युवा प्रतिष्ठान सुंदरबागचा राजा के माघी गणपति का भव्य आगमन
मुंबई। कुर्ला पश्चिम स्थित युवा प्रतिष्ठान, सुंदरबाग की ओर से माघी गणपति के भव्य आगमन का समारोह अत्यंत उत्साह और श्रद्धा के साथ संपन्न हुआ। भक्तिमय वातावरण में ढोल-ताशों की गूंज और जयघोष के बीच श्री गणराय का भव्य स्वागत किया गया। इस पावन अवसर का शुभारंभ मंडल के प्रमुख सलाहकार एवं सूचना का अधिकार (RTI) कार्यकर्ता अनिल गलगली के करकमलों द्वारा किया गया। इस अवसर पर रियाज़ मुल्ला, रत्नाकर शेट्टी और अज़ीज़ खान की विशेष उपस्थिति रही। मंडल की कार्यकारिणी में अध्यक्ष शुभम कांबले, कोषाध्यक्ष दीपक गायकवाड़, सचिव समीर नाजरकर, उपाध्यक्ष अक्षय व्हटकर, उप-कोषाध्यक्ष महेश कचवे, तथा उप-सचिव अनिरुद्ध पुजारी और रमेश कुरिल शामिल हैं। युवा प्रतिष्ठान की ओर से सामाजिक उपक्रम, सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं भक्तों के लिए विभिन्न सेवाओं का आयोजन किया जाएगा। माघी गणपति उत्सव को शांति, भक्ति और एकता के वातावरण में मनाया जा रहा है।
सावनी फुहार पुस्तक पर परिचर्चा‌ एवं काव्य संध्या संपन्न

मुंबई । साहित्यिक सामाजिक एवं सांस्कृतिक राष्ट्रीय संस्था काव्य सृजन के तत्वावधान एवं डॉ सागर त्रिपाठी के मार्गदर्शन में शनिवार 17 जनवरी 2026 को पुस्तक परिचर्चा एवं काव्य संध्या का आयोजन डॉ सागर त्रिपाठी लाइब्रेरी पुष्प विहार कुलाबा‌ नेवी नगर मुंबई में आयोजित किया गया।जिसकी अध्यक्षता वरिष्ठ साहित्यकार डॉ कृपाशंकर मिश्र ने किया तथा मुख्य अतिथि के रूप में वरिष्ठ साहित्यकार, समालोचक,मार्गदर्शक हौसला प्रसाद सिंह अन्वेषी उपस्थित थे।उक्त समारोह का नियोजन एवं संयोजन शिव प्रकाश जमदग्निपुरी एवं डा.सागर त्रिपाठी ने किया तथा खूबसूरत संचालन डॉ त्रिपाठी ने स्वयं किया।विशिष्ट अतिथि साहित्यकारों में ओमप्रकाश तिवारी, आत्मिक श्रीधर मिश्र, माता प्रसाद शर्मा,विनय शर्मा दीप,पं.जमदग्निपुरी, अरुण दूबे अविकल,समाज सेवी संगठन केसीएनए क्लब के अध्यक्ष,पत्रकार नंदन मिश्र त्यागी के पावन उपस्थिति में भव्य काव्यपाठ हुआ।विलुप्त होती कजरी विधा को जागृत करने एवं पाठकों के बीच लाने का प्रयास संपादक जमदग्निपुरी एवं उप संपादक विनय शर्मा दीप ने किया।परिचर्चा की कड़ी में डॉ सागर त्रिपाठी ने सावनी फुहार संकलन को सराहनीय कदम बताया तो वहीं हौसला प्रसाद अन्वेषी ने सनातनी गीत विधा परंपरा को बचाने का उत्कृष्ट कदम बताया। ओमप्रकाश तिवारी ने भूरी भूरी प्रशंसा की तो डॉ कृपाशंकर मिश्र ने वातावरण, समय,परिधान व पौराणिक त्योहारों के प्रसंगों से गीत, कजरी,फाग,चैता,बिरहा की उत्पत्ति बताया और संकलन की सराहना किया।उपस्थित सभी साहित्यकारों ने अपने-अपने काव्य की प्रस्तुति देते हुए काव्य संध्या का आनंद उठाया।अंत में रुद्र प्रताप सागर ने उपस्थित सभी साहित्यकारों का स्नेहिल आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया।
मुख्यमंत्री से भाजपा विधायक नरेंद्र मेहता को मंत्री बनाने की मांग
भायंदर। भाजपा महाराष्ट्र प्रदेश प्रवक्ता शैलेश पांडे नें कहा कि महाराष्ट्र के लोकप्रिय मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस से मेरी विनती हैं कि जनता की माँग है कि मीरा भाईदर में भाजपा के ऐतिहासिक जीत के शिल्पकार आमदार नरेंद्र मेहता को शीघ्र  महाराष्ट्र सरकार में मंत्री बनाया जाय l ताकि वो संपूर्ण महाराष्ट्र में भाजपा के संगठन को मजबूत करेंl।शैलेश पांडे  का कहना है कि नरेंद्र मेहता  नें भाजपा मीरा भाईदर जिला चुनाव प्रमुख के रूप में अद्वितीय चाणाक्ष रणनीति से शिवसेना के सारे गढ ढहा दिए , अत्यंत  सूक्ष्म योजना  बना अपने कर्मठ पदाधिकारीयौ को जवाबदारी देकर सतत उनसे संवाद व मार्गदर्शन देकर  उनका मनोबल बढ़ाकर अपने रणनीति  व योजना को क्रियान्वयन किया l जनता में  बैठक, कार्यक्रम, सेवाकार्य  , विकासकार्य कर    प्रत्येक झोन  व बूथ पर  जनसंवाद  कार्यक्रम  कर, अनेक  सभी समाज की सभा  लेकर,  महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवा भाऊ देवेंद्र फडणवीस की विराट सभा लेकर, व उनके  अपनापन  व चमत्कारिक नेतृत्व  के  कारण  सभी कार्यकर्ताओं  ने  कठिन परिश्रम किया l उन्होनें परिश्रम की पराकाष्ठा कर सुबह 6 बजे से अगली सुबह भोर के 3, 4 बजे तक कठिन मेहनत कर अविस्मरणीय, ऐतिहासिक चमत्कारिक, न भूतो न भविष्येत प्रचंड विजय दिलाई  l
डॉ. विजय नारायण पंडित की कहानी संग्रह बड़े भाग मानुष तन पावा का लोकार्पण
कल्याण। कल्याण (पश्चिम) स्थित के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय के हिन्दी विभाग के तत्वावधान में 16–17 जनवरी 2026 को आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी अत्यंत गरिमामय वातावरण में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुई। इस राष्ट्रीय संगोष्ठी में देश के विभिन्न विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों से पधारे प्रतिष्ठित शिक्षाविदों, साहित्यकारों, शोधार्थियों तथा विद्यार्थियों ने सक्रिय और उत्साहपूर्ण सहभागिता की।संगोष्ठी का उद्घाटन सत्र महाविद्यालय के अध्यक्ष एवं प्रख्यात साहित्यकार डॉ. विजय नारायण पंडित के मार्गदर्शन में सम्पन्न हुआ। उद्घाटन सत्र की अध्यक्षता महाराष्ट्र राज्य हिन्दी साहित्य अकादमी के पूर्व अध्यक्ष प्रो.शीतला प्रसाद दुबे ने की। बीज वक्तव्य प्रो.मनोज सिंह (प्रोफेसर, हिन्दी विभाग, बनारस हिन्दू विश्वविद्यालय) द्वारा प्रस्तुत किया गया, जिसमें हिन्दी साहित्य के समकालीन विमर्श, सामाजिक सरोकारों और वैचारिक प्रवृत्तियों पर गहन एवं विचारोत्तेजक दृष्टि डाली गई। मुख्य अतिथि के रूप में श्रीमती रेनू पृथियानी (अंचल निदेशक, भारतीय सांस्कृतिक संबंध परिषद, मुंबई) की गरिमामयी उपस्थिति रही।  स्वागताध्यक्ष ओम प्रकाश (मुन्ना) पाण्डेय (सचिव, के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय) ने सभी अतिथियों का आत्मीय स्वागत किया। प्रस्ताविकी डॉ. अनिता मन्ना (प्राचार्या, के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय) द्वारा प्रस्तुत की गई, जिसमें संगोष्ठी के उद्देश्यों, वैचारिक पृष्ठभूमि एवं इसके अकादमिक महत्व को स्पष्ट रूप से रेखांकित किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय प्रबंधन समिति के कांतिलाल जैन,डॉ. सुजीत सिंह एवं विजय तिवारी की उपस्थिति ने कार्यक्रम की गरिमा को और बढ़ाया। उद्घाटन सत्र का एक विशेष आकर्षण चार महत्वपूर्ण पुस्तकों का लोकार्पण रहा। इनमें अमरकांत पर केन्द्रित आलेखों का संग्रह, मध्य एशिया में हिन्दी से जुड़े लेखों का संकलन, पंडित विद्यानिवास मिश्र पर केन्द्रित समीचीन पत्रिका का विशेष अंक तथा डॉ. विजय नारायण पंडित का नवीनतम कहानी संग्रह "बड़े भाग मानुष तन पावा" प्रमुख रूप से शामिल रहा। डॉ. विजय नारायण पंडित के इस कथा-संग्रह पर उपस्थित विद्वानों एवं अतिथियों ने अपने मंतव्य व्यक्त करते हुए इसे मानवीय संवेदना, जीवन-दृष्टि और सामाजिक यथार्थ से सम्पन्न एक सशक्त रचना बताया तथा इसकी मुक्त कंठ से सराहना की।
संगोष्ठी के अंतर्गत दो दिनों में कुल पाँच अकादमिक सत्रों का आयोजन किया गया। इन सत्रों में हिन्दी साहित्य, आलोचना, संस्कृति, समकालीन विमर्श तथा शोध की नवीन प्रवृत्तियों पर गंभीर एवं सार्थक चर्चा हुई। देशभर से आए विद्वत् संदर्भ-वक्ताओं ने अपने शोधपत्र प्रस्तुत किए तथा प्रख्यात शिक्षाविदों की अध्यक्षता एवं सत्र-संचालन ने संगोष्ठी के अकादमिक स्तर को अत्यंत समृद्ध बनाया।
द्वितीय दिवस के समापन सत्र में प्रतिभागियों ने संगोष्ठी को अत्यंत उपयोगी, शोधोन्मुखी एवं संवादपरक बताते हुए अपने सकारात्मक मंतव्य व्यक्त किए। समापन सत्र की अध्यक्षता डॉ. अनिता मन्ना ने की। इस अवसर पर प्रो. ईश्वर पवार तथा प्रो. पुरुषोत्तम कुंदे विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र वितरित किए गए। पूरे आयोजन का कुशल संचालन एवं प्रभावी आभार प्रदर्शन डॉ. मनीष कुमार मिश्रा (हिन्दी विभाग, के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय) द्वारा किया गया। इस राष्ट्रीय संगोष्ठी की सफलता ने के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय को राष्ट्रीय अकादमिक मानचित्र पर एक सशक्त एवं प्रतिष्ठित पहचान प्रदान की।
मीरा भायंदर की ऐतिहासिक विजय में गोपाल शेट्टी की रही महत्वपूर्ण भूमिका
मुंबई। मीरा भायंदर महानगर पालिका चुनाव में भाजपा को मिली ऐतिहासिक और प्रचंड जीत को देखकर विपक्ष स्तब्ध है। विशेष रूप से शिवसेना शिंदे गट के दावों कि जिस तरह से हवा निकल गई, उससे साफ हो गया कि मीरा भायंदर भाजपा का अभेद किला बन चुका है। भाजपा को मिली महा विजय के कई कर्णधार माने जा रहे हैं। विधायक नरेंद्र मेहता ने जहां एक-एक वार्ड पर अपनी पूरी ताकत झोंक दी, वहीं यहां के प्रभारी तथा पूर्व सांसद गोपाल शेट्टी ने भी सभी वार्डों में मतदाताओं से मुलाकात कर भाजपा के पक्ष में मतदान के लिए प्रेरित किया। खासकर दक्षिण भारत के मतदाताओं पर उनकी मजबूत पकड़ रही। नरेंद्र मेहता ने जिलाध्यक्ष दिलीप जैन के साथ उनका स्वागत करते हुए कहा था कि गोपाल शेट्टी हमारे लिए बहुत लकी है, क्योंकि यह कभी चुनाव नहीं हारे। उत्तर भारतीय मोर्चा के जिला महामंत्री शिवदयाल मिश्रा के अनुसार गोपाल शेट्टी जी ने मीरा भायंदर के साथ साथ उत्तर मुंबई के सभी वार्डो में बीजेपी प्रत्याशियों को जिताने के लिए कड़ी मेहनत की। उत्तर मुंबई के मतदाताओं पर आज भी उनके द्वारा किए गए विकास कार्यों की छाप देखी जा सकती है। यही कारण है कि मतदाताओं ने उनकी बात को गंभीरता से लिया और भाजपा महायुति के  सभी प्रत्याशियों को भारी मतों से विजई मनाया।
एकता विकास और युवा नेतृत्व पर भरोसे की जीत : तेजिंदर सिंह तिवाना
मुंबई। मुंबई महानगरपालिका चुनाव में भाजपा के लिए वार्ड 47 की सीट जीतना अत्यंत महत्वपूर्ण था, क्योंकि इस सीट से पार्टी ने मुंबई भाजपा युवा मोर्चा के अध्यक्ष तेजिंदर सतनाम सिंह तिवाना को उम्मीदवार बनाया था। युवा नेतृत्व का प्रतीक होने के नाते, इस सीट पर जीत भाजपा के लिए सम्मान और प्रतिष्ठा का सवाल थी।

वार्ड 47 की जटिल और विभिन्न धर्म और समुदाय के मतदाताओं को देखते हुए यह मुकाबला भाजपा के लिए आसान नहीं था। ऐसे में यह कहना अतिशयोक्ति नहीं होगी कि यदि इस वार्ड से भाजपा को कोई विजयी बना सकता था, तो वह केवल तेजिंदर सतनाम सिंह तिवाना ही थे।

वार्ड 47 की मतदाता संरचना में लगभग 22% मराठी, 21% दक्षिण भारतीय, 12% ईसाई और 6% मुस्लिम मतदाता शामिल हैं, जिससे यह क्षेत्र UBT या कांग्रेस जैसे प्रतिद्वंद्वी उम्मीदवारों के लिए आसान विजय का ब्लूप्रिंट बनाता है। वहीं भाजपा के परंपरागत मतदाता भी इस वार्ड में ठीकठाक संख्या 17% उत्तर भारतीय/पंजाबी और 18% गुजराती/राजस्थानी में हैं। लेकिन पुनर्विकास (Redevelopment) के चलते बड़ी संख्या में मतदाता वार्ड से बाहर दूसरे स्थानों पर रहने चले गए, और मतदान का दिन मकर संक्रांति होने के कारण गुजराती मतदाताओं की अनुपस्थिति भी एक बड़ी चुनौती बनी। इन सभी परिस्थितियों के बावजूद भाजपा की यह प्रचंड जीत तेजिंदर सतनाम सिंह तिवाना की मेहनत, स्थानीय स्वीकार्यता और मजबूत जनसंपर्क के कारण संभव हो पाई।

तेजिंदर सतनाम सिंह तिवाना और उनका परिवार पिछले 40 वर्षों से अधिक इस क्षेत्र में निरंतर जनसेवा कर रहा है, यही कारण है कि क्षेत्र की जनता का उनके परिवार से गहरा विश्वास और जुड़ाव रहा है।
इस जीत का श्रेय भाजपा के वरिष्ठ नेताओं को भी जाता है, जिन्होंने इस बार युवाओं पर विश्वास जताया और उन्हें अवसर दिया। युवाओं ने अपनी नई सोच और जोश के साथ इस बीएमसी चुनाव का परिदृश्य ही बदल कर रख दिया।

तेजिंदर का “मदद का ठिकाना” अभियान इस चुनाव की पहचान बन गया। यह अभियान मतदाताओं में ऐसा उत्साह भरने में सफल रहा कि माहौल किसी नगरसेवक चुनाव का नहीं, बल्कि विधानसभा चुनाव जैसा प्रतीत हो रहा था। अभियान के गीत, विज्ञापन फिल्में और सोशल मीडिया पर साझा किया गया कंटेंट जनता से सहज रूप से जुड़ता चला गया। क्योंकि तेजिंदर सतनाम सिंह तिवाना और उनका परिवार बिना किसी पद के भी स्थानीय नागरिकों के लिए दिन रात उपलब्ध रहे, और यही निरंतर सेवा भाव जनता के विश्वास में बदल गया।

तेजिंदर सतनाम सिंग तिवाना की यह जीत सही मायनों में मुंबई की स्पिरिट की जीत है—जहाँ भाषा और प्रांत के आधार पर समाज को बाँटने वाले नरेटिव से ऊपर उठकर जनता ने एक मेहनती, सदा उपलब्ध रहने वाले युवा उम्मीदवार को प्रचंड मतों से विजयी बनाया।
महापालिका में 25 वर्ष बाद सत्ता परिवर्तन का स्वागत, शिंदे गट का बने मुंबई का अगला महापौर  : डॉ विवेकानंद  जाजू
मुंबई। मुंबई महानगरपालिका चुनाव में महायुति को मिली प्रचंड जीत से उत्साहित बांद्रा पूर्व के शिव सैनिकों ने शिवसेना  (शिंदे गट) नेता डॉ. विवेकानंद जाजू के नेतृत्व में जश्न मनाया। डॉ जाजू ने कहा कि पहली बार उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और सांसद डॉ श्रीकांत शिंदे के नेतृत्व में शिवसेना ने मुंबई में चुनाव लड़ा और शानदार सफलता हासिल की। उन्होंने कहा कि मुंबई महानगरपालिका में 25 वर्ष बाद हुए सत्ता परिवर्तन से बांद्रा पूर्व के शिवसैनिक उत्साहित हैं। उन्होंने कहा कि सभी शिव सैनिकों ने कड़ी मेहनत की और महायुति को जीत दिलाई। उन्होंने कहा कि सत्ता परिवर्तन के बाद म्हाडा और महानगरपालिका में मनमानी पर विराम लगेगा और आम जनता के हितों के लिए काम किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अगला महापौर शिंदे गट का मराठी होगा तथा महानगरपालिका में सत्ता परिवर्तन के बाद अब मुंबई के विकास का नया दौर शुरू होगा और जनता को बुनियादी समस्याओं से छुटकारा मिलेगा। डॉ जाजू ने कहा कि उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के मार्गदर्शन और नेतृत्व में बांद्रा पूर्व में शिवसेना सबसे मजबूत पार्टी के रूप में लगातार विकास का काम करती रहेगी।
प्रधानमंत्री के विजन और मुख्यमंत्री के कुशल नेतृत्व की विजय : आचार्य पवन त्रिपाठी
मुंबई। मुंबई महानगरपालिका चुनाव में महायुति को मिली प्रचंड विजय पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए मुंबई भाजपा के महामंत्री तथा श्री सिद्धिविनायक मंदिर न्यास के कोषाध्यक्ष आचार्य पवन त्रिपाठी ने कहा कि यह ऐतिहासिक विजय, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के दूरदर्शी विजन और महाराष्ट्र के लोकप्रिय मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के कुशल नेतृत्व की विजय है। उन्होंने कहा कि मुंबई के मतदाताओं ने विकास और स्वर्णिम भविष्य को प्राथमिकता देते हुए महायुति के पक्ष में संगठित होकर मतदान किया। उन्होंने कहा कि भाजपा मुंबई अध्यक्ष एडवोकेट अमित साटम ने जिस तरह से कार्यकर्ताओं का हौसला बढ़ाया और जनता के बीच हमेशा खड़े रहे, उसके चलते महायुति के प्रति लोगों में विश्वास बढ़ा। आचार्य त्रिपाठी ने कहा कि यह पार्टी के प्रति समर्पित निस्वार्थ कार्यकर्ताओं की महा विजय है। विकास और विश्वास के प्रति समर्पित भाजपा का विजय रथ निरंतर आगे बढ़ता रहेगा।
शक्ति के देवता बजरंगबली की तस्वीर भेंटकर कृपाशंकर ने दी मुख्यमंत्री को बधाई

मुंबई। मुंबई महानगरपालिका चुनाव में महायुति को मिली ऐतिहासिक जीत के बाद महाराष्ट्र के पूर्व गृह राज्य मंत्री तथा लोकप्रिय उत्तर भारतीय नेता कृपाशंकर सिंह ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात कर, उन्हें शक्ति के देवता बजरंगबली की तस्वीर भेंटकर हार्दिक बधाई दी।

कृपाशंकर ने कहा कि यह प्रचंड जनादेश, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शितापूर्ण विजन, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के सुशासन , विकास और मजबूत नेतृत्व में जनता के अटूट विश्वास का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि उत्तर भारतीय एक परिश्रमी कौम है, जो अपनी कड़ी मेहनत, ईमानदारी और सहयोग देने की प्रवृत्ति पर विश्वास रखती है। महाराष्ट्र के उत्तर भारतीय समाज ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस द्वारा किए गए विकास कार्यों पर पूरा भरोसा जताते हुए न सिर्फ मुंबई महानगरपालिका में अपितु मीरा भायंदर, ठाणे, नवी मुंबई,पालघर समेत अन्य महानगरपालिकाओं में भी भाजपा के पक्ष में संगठित रूप से मतदान किया। इस अवसर पर मुंबई युवा मोर्चा के उपाध्यक्ष शिवम सिंह भी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री ने भी प्रचंड विजय के लिए मतदाताओं का आभार मानते हुए कहा कि महाराष्ट्र की महायुति सरकार सबका साथ सबका विकास और सबका विश्वास के लिए संकल्पित है।
मुंबई के विकास और उज्जवल भविष्य के लिए किया मतदान : कृपाशंकर सिंह
मुंबई। मुंबई महानगरपालिका का चुनाव परिणाम अत्यंत महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक होने जा रहा है, क्योंकि पहली बार मुंबई के लोगों ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के विकास कार्यों और महायुति सरकार की लोकहित विचारधारा को देखते हुए मतदान किया है। बांद्रा पश्चिम के इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन मतदान केंद्र पर वोट डालने के बाद पत्रकारों से बात करते हुए महाराष्ट्र के पूर्व गृह राज्य मंत्री तथा लोकप्रिय उत्तर भारतीय नेता कृपाशंकर सिंह ने उपरोक्त बातें कही। उन्होंने कहा कि उन्होंने मुंबई के विकास और उज्जवल भविष्य के लिए मतदान किया है। इस बार का चुनाव परिणाम पूरी तरह से महायुति के पक्ष में होने जा रहा है और भारतीय जनता पार्टी का अगला महापौर बनने जा रहा है। उन्होंने उत्तर भारतीय मतदाताओं का आभार प्रकट करते हुए कहा कि पहली बार उत्तर भारतीय मतदाताओं ने जाति पाति से ऊपर उठकर मुंबई के विकास के लिए  संगठित रूप से मतदान किया।