नागराज ग्राम में मध्यस्थ दर्शन अनुभव शिविर का भव्य आयोजन, नागराज ग्राम परिवार की सक्रिय सहभागिता।
देवघर:
आज दिनांक 14 जनवरी 2026 को नागराजग्राम में मध्यस्थ दर्शन के आलोक में अनुभव शिविर का भव्य आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में नागराज ग्राम परिवार के सभी सदस्य अपने-अपने परिवारों के साथ उपस्थित रहे। साथ ही आसपास के गांवों—करडा, इनारवरण सहित अन्य गांवों से बड़ी संख्या में ग्रामीणों की सहभागिता रही, जिससे पूरा वातावरण सकारात्मक ऊर्जा और उत्साह से परिपूर्ण हो गया। कार्यक्रम का संचालन धीरज जी के द्वारा किया गया । कार्यक्रम के दौरान उपस्थित जनसमूह को मध्यस्थ दर्शन के प्रणेता ए नागराज जी के जीवन एवं विचारों से विस्तारपूर्वक अवगत कराया गया। वक्ताओं ने बताया कि किस प्रकार मध्यस्थ दर्शन व्यक्ति, परिवार, समाज और प्रकृति—सभी स्तरों पर संतुलन, खुशहाली एवं सह-अस्तित्व की भावना को विकसित करता है।
तथा मानव जीवन को सही दिशा प्रदान करता है। इस अवसर पर कार्यक्रम के मार्गदर्शक श्री योगेश शास्त्री (पुणे निवासी), जो पेशे से इंजीनियर एवं प्रबोधक हैं, रहे। उनके मार्गदर्शन में यह अनुभव शिविर सफलतापूर्वक आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। नागराज ग्राम परिवार के सदस्यों ने ए नागराज जी की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की विधिवत शुरुआत की। इसके पश्चात वंदना गीत प्रस्तुत किया गया। तत्पश्चात मध्यस्थ दर्शन ने लोगों के जीवन को किस प्रकार सकारात्मक रूप से प्रभावित किया है, इस विषय पर गहन चर्चा हुई तथा कई प्रतिभागियों ने अपने अनुभव साझा किए।
कार्यक्रम में नागराज ग्राम परिवार के प्रमुख रूप से कृष्ण देव राय, हरेंद्र कुमार, समीर कुमार, पवन आर्या, विकास कुमार, मणिकांत पाठक, धीरज कुमार, प्रभु यादव, आचार्य नवीन, रितु, बबली, भावना, सुशीला सहित अनेक सदस्य उपस्थित रहे। इसके अतिरिक्त सुदामा देवी, जो कल्याणपुर पंचायत की मुखिया हैं, प्रीति, हीरा जी, विष्णु, कैलाश, ज्योतिष, चिंतामणि यादव, चंद्रशेखर चौधरी, समर जी, तालो हेंब्रम समेत आसपास के गांवों से आए बड़ी संख्या में ग्रामीणों की गरिमामयी उपस्थिति रही। वक्ताओं ने कहा कि मध्यस्थ दर्शन आज समाज में नई आशा की किरण के रूप में उभर रहा है। इसी विचारधारा से प्रेरित होकर वर्ष 2020 में देवघर क्षेत्र के कुछ जागरूक परिवारों द्वारा नागराज ग्राम की परिकल्पना की गई थी। इन परिवारों में बैंकिंग क्षेत्र से जुड़े लोग, राज्य सरकार के कर्मचारी, शिक्षक एवं विभिन्न समुदायों के लोग शामिल हैं, जिन्होंने मिलकर मानवीय मूल्यों पर आधारित सामाजिक कार्यक्रमों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। इसी क्रम में यह अनुभव शिविर हर वर्ष 14 जनवरी को आयोजित किया जाता है और इस वर्ष यह कार्यक्रम लगातार चौथे साल सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित लोगों ने इस आयोजन को समाज के लिए प्रेरणादायक बताते हुए भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रमों को निरंतर जारी रखने की आवश्यकता पर बल दिया।
1 hour and 27 min ago
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