मकर संक्रांति स्नान पर्व पर सुरक्षा के व्यापक बंदोबस्त: ड्रोन से निगरानी, 450 पुलिसकर्मी तैनात; कल्पवासियों को विशेष सुविधा
नितेश श्रीवास्तव

भदोही। बुधवार को मकर संक्रांति स्नान पर्व के अवसर पर श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा के लिए व्यापक प्रबंध किए गए हैं। भदोही जनपद के रामपुर गंगा घाट, सीतामढ़ी और सेमराधनाथ सहित सभी प्रमुख स्नान घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद की गई है। इन घाटों पर पर्याप्त संख्या में महिला और पुरुष पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है। इसके अतिरिक्त, सादे वस्त्रों में भी पुलिसकर्मी मुस्तैद रहेंगे। विभिन्न चौराहों, महत्वपूर्ण मार्गों और संभावित भीड़-भाड़ वाले स्थानों पर कुल 450 पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। सेमराधनाथ धाम, सीतामढ़ी कबूतर नाथ मंदिर और हरिहर नाथ मंदिर जैसे प्रमुख मंदिरों तथा भीड़-भाड़ वाले स्थलों पर ड्रोन कैमरों की मदद से लगातार निगरानी रखी जा रही है।
थाना कोइरौना क्षेत्र में गंगा तट पर कल्पवास कर रहे श्रद्धालुओं के लिए विशेष सुरक्षा, सुविधा और स्वास्थ्य संबंधी प्रबंध किए गए हैं। उनके लिए आपातकालीन सहायता कैंप भी स्थापित किए गए हैं।
पुलिस अधीक्षक भदोही, श्री अभियन्यु मांगलिक के निर्देशन में और अपर पुलिस अधीक्षक, भदोही, श्री शुभम अग्रवाल के पर्यवेक्षण में अन्य पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों तथा समस्त थाना/चौकी प्रभारियों ने विभिन्न गंगा स्नान घाटों का निरीक्षण किया। उन्होंने ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों को सुरक्षा व्यवस्था के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
भदोही पुलिस ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे पूर्ण आस्था और सुरक्षा के साथ स्नान करें। किसी भी असुविधा, संदिग्ध गतिविधि या आपात स्थिति में तत्काल निकटतम पुलिसकर्मी या थाने से संपर्क करने की सलाह दी गई है। पुलिस ने कहा है कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।
भदोही में साई सेवा पालकी यात्रा निकाली गई:हजारों श्रद्धालु शामिल, 2005 से निकल रही है यात्रा

नितेश श्रीवास्तव

भदोही। ज्ञानपुर नगर में साई सेवा ट्रस्ट द्वारा साई सेवा पालकी यात्रा निकाला गया जिसमें ज्ञानपुर नगर के हजारों की संख्या में महिला पुरुष श्रद्धालु शामिल रहे। जगह-जगह रास्ते में लोगों द्वारा प्रसाद वितरण भी किया गया। विगत वर्षों की भाति इस वर्ष भी साई सेवा पालकी यात्रा ज्ञानपुर नगर में बड़े ही धूमधाम के साथ निकाला गया। डीजे व नगाड़े की धुन पर लोग भक्ति गीतों पर थीरकते हुए चल रहे थे। यह यात्रा 2005 से लगातार निकाला जा रहा है यात्रा ज्ञानपुर नगर के रोडवेज परिसर से शुरू होकर पशु अस्पताल समेत नगर भ्रमण करते हुए साई मंदिर पहुंचकर समाप्त होता है।

जहां पर हजारों की संख्या में लोग जमे रहते हैं और वैदिक मंत्रोचार के बीच पूजन पाठ के साथ प्रसाद वितरण का आयोजन किया जाता है। यह यात्रा लगातार 25 वर्षों से साई भक्तों द्वारा निकाला जा रहा है जिसके क्रम में  बुधवार को  पालकी यात्रा निकाला गया। इस अवसर पर काफी संख्या में भक्तगण मौजूद रहे।
भदोही का सेमराध-नाथ धाम कल्पवास मेला ड्रोन कैमरे में कैद:गंगा की रेती पर सजी तंबुओं की नगरी, गंगा में डुबकी लगाएंगे श्रद्धालु

रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। भदोही के समराध नाथ धाम में मकर माघ कल्पवास मेला शुरू हो चुका है। काशी - विंध्य और प्रयाग के मध्य स्थित इस कल्पवास मेले का यह 31 वां वर्ष है। 3 जनवरी 2025 को मां गंगा पूजन,धर्म ध्वजारोहण एवं भूमि-पूजन के साथ गंगा की रेती पर मेले की तैयारियां शुरू की गई थी। उसके बाद से ही कल्पवासियों का आगमन शुरू हो चुका है। मेला सीमित के अध्यक्ष महंत करुणाशंकर दास ने बताया कि 14 जनवरी से मेले की रौनक और बढ़ेगी। कल्पवासियों की संख्या में तेजी से इजाफा होगा और गंगा की रेती पर बसी तंबुओं की नगरी पूरी तरह आबाद हो जाएगी। यह आध्यात्मिक आयोजन 1 फरवरी तक चलेगा। दूर - दराज के जिलों के साथ ही अन्य राज्यों से भी श्रद्धालु सेमराध नाथ पहुंच रहें हैं।

कल्पवास के महत्व पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि सेमराध में कल्पवास करने से भगवान विष्णु और भगवान शिव दोनों की कृपा प्राप्त होती है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार द्वापर युग में भगवान श्रीकृष्ण और काशी से जुड़ी घटनाओं के बाद जिस स्थान पर सुदर्शन चक्र और त्रिशूल का मिलन हुआ, वहीं स्थान समर - अधि कहलाया ,जो अपभ्रंश होकर सेमराध नाम से प्रसिद्ध हुआ। महंत करुणाशंकर दास ने बताया कि उनके गुरु ब्रह्मालीन स्वामी रामशंकर दास महाराज ने 14 जनवरी 1996 को सेमराध नाथ गंगा घाट पर 15-20 लोगों के साथ कल्पवास की शुरुआत की थी। तभी से यह परंपरा निरंतर चल रही है और आज सेमराध हरिद्वार, नासिक , उज्जैन और प्रयागराज के बाद प्रमुख कल्पवास स्थलों में अपनी पहचान बना चुका है।

प्रशासन और मेला सीमित की ओर से कल्पवास क्षेत्र में व्यापक व्यवस्थाएं की गई है। बिजली, पेजयल, शौचालय, स्नान घाट, आवागमन के लिए अस्थायी मार्ग और रेत पर चकर्ड प्लेट बिछाई गई है। ठंड को देखते हुए अलाव जलाने के लिए लकड़ियों की गई है। पूरे मेले की अवधि में भंडारे का संचालन भी किया जाएगा। खास बात यह है कल्पवासियों के लिए रहने हेतु लगाए जाने वाले तंबुओं का कोई शुल्क नहीं लिया जा रहा है। मेले के दौरान अखंड हरिकीर्तन, विद्वानों के प्रवचन और रामकथा का आयोजन चल रहा है।
पुलिस को 10 हीटर भेंट किए गए: जेपी हॉस्पिटल और सिस्को ने भदोही एसपी को सौंपे


रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। मंगलवार को भदोही पुलिस अधीक्षक कार्यालय में जेपी हॉस्पिटल के प्रबंध निदेशक डॉ. रत्नेश पाण्डेय और सिस्को के निदेशक आशुतोष तिवारी ने पुलिस अधीक्षक श्री अभिमन्यु मांगलिक को 10 हीटर भेंट किए।

यह भेंट पुलिस द्वारा जनपद में सुरक्षा और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए किए जा रहे सराहनीय कार्यों की सराहना के तौर पर की गई। पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक ने इन सभी 10 हीटरों को जिले के सभी 10 थानों में वितरित किया।

संस्थाओं ने बताया कि इस वितरण का उद्देश्य थानों में कार्यरत पुलिसकर्मियों को ठंड से बचाना है। जेपी हॉस्पिटल ने कहा कि यह केवल एक सामाजिक दायित्व नहीं, बल्कि एक नैतिक कर्तव्य भी है, और वे भविष्य में भी ऐसे जनसेवा कार्यों में अग्रणी भूमिका निभाते रहेंगे। सिस्को भी इसमें सहयोगी की भूमिका निभाएगा।
अब कोनिया कोने में नहीं कोनिया अब सोने में रहेगी- विधायक विपुल दूबे


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। ज्ञानपुर के विधायक विपुल दूबे ने सोमवार को आपने आवास पर आयोजित पत्रकार वार्ता में क्षेत्र के विकास कार्य और बिशेष रूप से कोनिया के धनतुलसी-डेंगूरपुर में पक्का पुल की स्वीकृत होने पर विस्तार से बताया और योगी आदित्यनाथ को को धन्यवाद दिया। विधायक विपुल दूबे ने कहा कि विधानसभा क्षेत्र के
रामपुर और डेंगूरपुर में पक्का पुल के लिए वर्षों से मांग थी, 2023 में रामपुर पक्का पुल और 2025 में डेंगूरपुर पक्का पुल स्वीकृत हुआ।

यह काम कल्पना के परे है। विधायक ने कहा कि न केवल ज्ञानपुर विधानसभा ही नहीं बल्कि आसपास के विधानसभा में भी पुलों की मांग हो रही है। लेकिन योगी आदित्यनाथ ने भदोही के लोगो को सौगात दी और यह सब क्षेत्र के लोगो की प्रेरणा और आशीर्वाद से संभव हुआ। जनपद के विकास के लिए जनप्रतिनिधियों से लेकर जनता तक को मांग करने का हक़ है लेकिन ज्ञानपुर विधानसभा के प्रतिनिधि के मांग पर 789 करोड़ 41 लाख स्वीकृत हुआ। जो भाजपा के नेतृत्व में सरकार का विकास का उदाहरण है। कहा कि भाजपा और निषाद पार्टी बड़े और छोटे भाई की तरह है, और वह सपना अब जाकर साकार हुआ।

ज़िला अस्पताल के बारे में कहा कि 22 करोड़ के बाद भी बसपा सरकार ने ज़िला अस्पताल नहीं बना सकी। सपा के शासन काल में ज़िला अस्पताल को लेकर कुछ किया ही  नहीं गया। लेकिन अब 7 करोड़ का कार्यदायी संस्था और 10 करोड़ शासन से राशि देकर ज़िला अस्पताल का कार्य प्रगति पर है और मंशा है कि यहां भी 100 बेड हो जाये जिससे मेडिकल कॉलेज बनने का रास्ता साफ हो जाये। जिले में पोलिटेक्निक कॉलेज में भी शीघ्र हैंड ओवर होगा।

अभोली का सीएचसी भी बनकर तैयार हो गया है जो भ्रष्टाचार का शिकार हो गया था। पर्यटन विभाग के तरफ से सीतामढ़ी मुख्य द्वार और बिहरोजपुर में 2.5 करोड़ की लागत से मंदिर का विकास कराया जा रहा है। ज़िला में माध्यमिक शिक्षा विभाग से 5 करोड़ लेकर, संस्कृत महाविद्यालय के लिए 7.5 करोड़ का काम हुआ। विधायक ने कहा कि जिन किसानों की जमीन ली जा रही है उनको मुआवजा अवश्य दिया जायेगा। क्षेत्र में सड़कों की जाल बिछा दिया गया है। दर्जनों सड़के स्वीकृत हुई है। बिजली के लिए भारी हद तक  समस्या समाधान किया गया। विधायक ने कहा कि अब कोनिया कोने में नहीं कोनिया अब सोने में रहेगी। बिजली की भी जहां समस्या थी कई जगहों पर ट्रांसफार्मर की क्षमता बढाकर बिजली की समस्या का समाधान किया। विधायक विपुल दूबे ने कहा कि क्षेत्र में विकास की कोई कमी नहीं रहेगी। जनपद को शीघ्र ही काशी नरेश राजकीय महाविद्यालय को विश्वविद्यालय के रूप में इसी सत्र में मिलने की संभावना है।
कांग्रेस मनरेगा बचाव के लिए करेगी आंदोलन:भदोही में दयाशंकर पांडेय बोले- संवैधानिक अधिकारों की रक्षा को सड़क से संसद तक संघर्ष

नितेश श्रीवास्तव


भदोही। भदोही जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष वसीम अंसारी ने शनिवार को पार्टी कार्यालय में एक प्रेस वार्ता को संबोधित किया। उन्होंने केंद्र सरकार की जनविरोधी नीतियों पर निशाना साधते हुए कहा कि भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस मनरेगा और ग्रामीण गरीबों के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए सड़क से संसद तक संघर्ष करेगी। प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए उत्तर प्रदेश के कोऑर्डिनेटर दयाशंकर पांडेय और जिला अध्यक्ष वसीम अंसारी ने संयुक्त रूप से कांग्रेस की तीन प्रमुख मांगें रखीं। इनमें VB GRAM G कानून को तत्काल वापस लेना, मनरेगा को अधिकार आधारित कानून के रूप में पूरी तरह बहाल करना, और काम के अधिकार व पंचायतों के संवैधानिक अधिकारों को पुनः स्थापित करना शामिल है। उन्होंने बताया कि इन्हीं मांगों को लेकर कांग्रेस पार्टी 10 जनवरी से 25 फरवरी 2026 तक देशव्यापी "मनरेगा बचाओ संग्राम" चला रही है। यह अभियान काम के अधिकार की रक्षा के लिए एक राष्ट्रीय पहल है।  डॉ. त्रिपाठी ने इस दौरान कहा कि मनरेगा कोई चैरिटी नहीं, बल्कि कानून द्वारा प्रदत्त गारंटी है। इस योजना ने करोड़ों गरीबों को उनके गांवों में रोजगार दिया, पलायन रोका, ग्रामीण मजदूरी बढ़ाई और महिलाओं की आर्थिक आत्मनिर्भरता को मजबूत किया। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार द्वारा लाया गया VB GRAM G इसी अधिकार को समाप्त करने की साजिश है। कांग्रेस नेताओं ने VB GRAM G के संभावित नकारात्मक प्रभावों को भी रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि इससे काम का अधिकार केवल अनुमति तक सीमित हो जाएगा और सीमित बजट के कारण संकट के समय काम बंद हो सकता है। दिल्ली से काम और फंड तय होने पर पंचायतें और ग्राम सभाएं कमजोर होंगी। इसके अलावा, 60 दिन का कार्य ब्लैकआउट सबसे जरूरतमंद समय में काम न देने को वैध बना देगा। मजदूरी असुरक्षित और घटाई जा सकने वाली हो जाएगी। राज्यों पर 40फंड का बोझ डालकर संघीय ढांचे को कमजोर किया जाएगा। बायोमेट्रिक और ऐप आधारित तकनीकी अड़चनों से मजदूर बाहर किए जाएंगे, और गांव की जरूरतों के बजाय ठेकेदार मॉडल की परियोजनाएं थोप दी जाएंगी।
SIR को लेकर एके शर्मा का अखिलेश यादव पर हमला, कहा अखिलेश पाकिस्तान, बांग्लादेश के घुसपैठियों से बनाना चाहते हैं सरकार


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के आरोपों पर योगी सरकार के नगर विकास व ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने तीखा पलटवार किया। भदोही दौरे के दौरान उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव का बस चले तो वह पाकिस्तान, बांग्लादेश और रोहिंग्या जैसे घुसपैठियों को मतदाता बना दें। जनता समाजवादी पार्टी और उसके इंडिया गठबंधन को पहले ही नकार चुकी है, इसलिए उन्हें उम्मीद है कि बाहरी लोग आकर उनकी सरकार बना देंगे, लेकिन ऐसा नहीं होगा।
भदोही दौरे पर आए मंत्री ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि प्रदेश का कोई भी मूल नागरिक मतदान से वंचित न रहे, जबकि अखिलेश यादव चाहते हैं कि घुसपैठिए आ जाएं तो शायद उन्हें सरकार बनाने में मदद मिल जाए। उन्होंने कहा कि देश में सरकार यहां के नागरिक ही चुनेंगे, न कि घुसपैठिए। इस दौरान एके शर्मा ने मोदी सरकार की ‘विकसित भारत जी राम जी’ योजना का भी उल्लेख करते हुए कहा कि इससे मनरेगा से अधिक रोजगार के अवसर सृजित होंगे।
न‌ए सिरे से बैठाना होगा चुनावी गणित जीत के अंतर से 16 गुना ज्यादा कटे वोट

*एस‌आई‌आर की अनंतिम सूची जारी होने के बाद तीनों विधानसभा में कटे दो लाख छह हजार वोटर*



रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। आगामी विधानसभा चुनाव में दांव आजमाने वाले प्रत्याशियों को जीत-हार का गुणा-भाग अब नए सिरे से करना होगा। साल 2022 के चुनाव में तीनों विधानसभा का मिलाकर जीत-हार का अंतर जितना नहीं रहा। इस बार एसआईआर के बाद उससे 16 गुना अधिक वोट कट गए हैं। सपा विधायक जाहिद बेग के विधानसभा में सबसे अधिक 64362 वोट कटे हैं। साल 2022 के चुनाव में इनके जीत का अंतर महज 4485 वोट का था। वहीं, भाजपा विधायक दीनानाथ भास्कर के विधानसभा में सबसे कम 45195 वोट कटे हैं। इनके जीत का अंतर महज 1647 वोट का था। निषाद पार्टी से विधायक विपुल दुबे की विधानसभा में भी 53067 वोट कटे हैं। इन्होंने महज 6231 वोटों से चुनाव जीता था। जिले में नवंबर महीने से चल रहे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की प्रक्रिया के बाद  अनंतिम सूची का प्रकाशन कर दिया गया। जिला निर्वाचन अधिकारी शैलेष कुमार के अनुसार एसआईआर के बाद दो लाख छह हजार मतदाताओं का नाम कट गया। अब 12 लाख 33 हजार से घटकर मतदाताओं की संख्या 10 लाख 27 हजार हो गई है। एसआईआर में नाम कटने के बाद अलग-अलग विधानसभाओं के राजनीतिक समीकरण भी बदलेंगे। बड़ी संख्या में कटे वोटरों के बाद विधानसभा चुनाव में भाग्य आजमाने वाले प्रत्याशियों को नए सिरे से राजनीतिक समीकरण साधने होंगे। साल 2022 के चुनाव में भदोही विधानसभा सीट पर सपा के जाहिद बेग ने भाजपा के रविन्द्र त्रिपाठी को शिकस्त दी थी। वहीं, औराई विस पर भाजपा के दीनानाथ भास्कर ने सपा की अंजनी सरोज को हराया था। वहीं, बहुचर्चित ज्ञानपुर विधानसभा सीट पर भाजपा की सहयोगी निषाद पार्टी के प्रत्याशी विपुल दुबे ने सपा के रामकिशोर बिंद को हराया था। इस चुनाव में बाहुबली विजय मिश्रा तीसरे नंबर पर थे। जाहिद बेग ने जहां 4885 वोट से चुनाव जीता। वहीं, दीनानाथ भास्कर 1647 और विपुल दुबे 6261 वोट से चुनाव जीते थे। इन तीनों प्रत्याशियों के जीत के अंतर को मिलाया जाए तो कुल 12763 वोट होते हैं। वहीं, एसआईआर में तीनों विस मिलाकर दो लाख छह हजार वोट कट गए हैं। इस तरह तीनों विधानसभा में करीब 16 गुना अधिक वोट कट गए हैं।


साल 2022 भदोही विधानसभा चुनाव परिणाम
जीते -जाहिद बेग, सपा (100738)
उपविजेता - रविन्द्र त्रिपाठी, भाजपा (95853)

जीत का अंतर - 4885
कटे मतदाता - 64362
औराई विधानसभा
जीते - दीनानाथ भास्कर, भाजपा (93691)

उपविजजेता - अंजनी सरोज, सपा (92044)
जीत का अंतर 1647
कटे मतदाता - 45195
ज्ञानपुर विधानसभा

जीते - विपुल दुबे, निषाद पार्टी (73446)

उपविजेता - रामकिशोर बिंद, सपा - (67215)

जीत का अंतर - 6231
कटे मतदाता - 53067

छह जनवरी से छह फरवरी तक लिए जाएंगे दावे-आपत्तियां
जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने बताया कि छह जनवरी से छह फरवरी तक दावा आपत्ति का समय निर्धारित किया गया है। किन्ही कारणों से जिनका नाम मतदाता सूची में नहीं है। वह फॉर्म-6 ऑनलाइन/ऑफलाइन भरकर अपना नाम मतदाता सूची में दर्ज करा सकेंगे। दावा आपत्ति निस्तारण के बाद मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन छह मार्च को किया जाएगा।
भदोही में 14 करोड़ की बर्न यूनिट बेकार

*डॉक्टर-स्टाफ नहीं, ढाई साल से एक भी मरीज का इलाज नहीं*


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भदोही के सौ शय्या अस्पताल में 14 करोड़ रुपये की लागत से बनी 13 बेड की बर्न यूनिट डॉक्टरों और स्थायी स्टाफ की कमी के कारण बेकार पड़ी है। कागजों में ढाई साल से इसका संचालन हो रहा है, लेकिन अब तक यहां एक भी मरीज का इलाज नहीं हो सका है। यूनिट में नर्स और वार्ड बॉय की ड्यूटी तो लगाई गई है, लेकिन उनके पास बैठने के अलावा कोई काम नहीं होता। चिकित्सकों और सर्जनों सहित अन्य स्वास्थ्य कर्मियों की स्थायी तैनाती नहीं होने से यूनिट का उद्देश्य पूरा नहीं हो पा रहा है। डॉक्टरों को ऑन-कॉल रखा गया है। इस बर्न यूनिट का संचालन अगस्त 2023 में औराई अग्निकांड (2022) के बाद शुरू हुआ था। सौ शय्या अस्पताल की नींव 2012 में रखी गई थी। 14 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से शुरू हुए इस अस्पताल के निर्माण में भ्रष्टाचार के आरोपों के चलते एसआईटी ने जांच की थी, जिसके बाद इसकी लागत बढ़कर करीब 18 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। अस्पताल में ओपीडी, डायलिसिस और सीटी स्कैन जैसी अन्य व्यवस्थाएं संचालित हैं, लेकिन बर्न यूनिट की स्थिति अलग है। अगस्त 2023 में जैसे-तैसे इसका संचालन शुरू तो कर दिया गया, पर ढाई साल बाद भी यहां विशेषज्ञ चिकित्सक और अन्य स्टाफ की स्थायी तैनाती नहीं हो पाई है।
इस संबंध में भदोही के सीएमएस डॉ. सुनील पासवान ने बताया कि बर्न यूनिट से संबंधित सभी उपकरण उपलब्ध हैं। यहां बर्न के मरीजों का उपचार होता है। डॉक्टरों की ड्यूटी ऑन-कॉल लगाई गई है और जरूरत पड़ने पर वे आते हैं।
आंखों के मरीजों की संख्या 30-35 बढ़ी:ठंड के मौसम में विशेष सावधानी बरतने की सलाह

रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। बढ़ती ठंड के कारण आंखों से संबंधित बीमारियों के मरीजों की संख्या में 30 से 35 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। नेत्र विशेषज्ञों ने बदलते मौसम में आंखों की विशेष देखभाल करने की सलाह दी है, क्योंकि थोड़ी सी लापरवाही रोगियों की परेशानी बढ़ा सकती है।महाराजा चेतसिंह जिला चिकित्सालय के नेत्र चिकित्सक डॉ. सुरेंद्र कुमार ने बताया कि ठंड के दिनों में आंखों की समस्याएं काफी बढ़ जाती हैं। बच्चों और वृद्धों में आंख संबंधी विभिन्न समस्याएं उत्पन्न होने लगती हैं। डॉ सुरेंद्र कुमार के अनुसार, ठंड से बचाव के लिए शरीर को गर्म कपड़ों से ढका जाता है, लेकिन आंखें अक्सर खुली रहती हैं, जिससे वे सीधे ठंडी हवा के संपर्क में आती हैं। ऐसे में आंखों में सूजन आना और बाइक चलाते समय पानी गिरने जैसी समस्याएं आम हो जाती हैं। विशेषज्ञों ने सर्दी में बच्चों और वृद्धों का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी है। उन्हें सुबह-शाम पर्याप्त मात्रा में गर्म कपड़े पहनाना चाहिए ताकि वे शीत की चपेट में आने से बच सकें और आंखों को भी सुरक्षित रखा जा सके।