कड़ाके की ठंड में हजारीबाग यूथ विंग की मानवीय पहल, देर रात 50 से अधिक जरूरतमंदों के बीच कंबल वितरण
हजारीबाग - कड़ाके की ठंड के बीच मंगलवार की देर रात्रि करीब 11 बजे हजारीबाग यूथ विंग द्वारा शीतकालीन राहत अभियान के अंतर्गत मानवीय सेवा का अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत किया गया। जब अधिकांश लोग रजाई और हीटर की गर्माहट में विश्राम कर रहे थे, उसी समय हजारीबाग यूथ विंग की पूरी टीम सड़कों पर उतरकर जरूरतमंदों, बेसहारा लोगों एवं रिक्शा चालकों की सेवा में समर्पित नजर आई। अभियान के दौरान शहर के विभिन्न चौक-चौराहों के साथ पुराना बस स्टैंड, नया बस स्टैंड एवं पुराना समाहरणालय परिसर में मौजूद करीब 50 से अधिक जरूरतमंदों के बीच कंबल का वितरण किया गया। रात्रि के सन्नाटे में जैसे ही सेवा वाहन की हॉर्न की आवाज नींद में सो रहे जरूरतमंदों तक पहुँची, मानो उन्हें यह एहसास हुआ कि कोई उनका सहारा बनकर आया है। कंबल पाकर उनके चेहरों पर दिखाई दी राहत और मुस्कान ने सेवा की सार्थकता को स्पष्ट कर दिया। संस्था के संरक्षक चंद्रप्रकाश जैन ने कहा कि हजारीबाग यूथ विंग सेवा को अपना दायित्व मानकर कार्य कर रही है। देर रात सड़कों पर उतरकर जरूरतमंदों तक पहुंचना आसान नहीं होता, लेकिन संस्था के सभी पदाधिकारी एवं सदस्यों ने इसे सामाजिक कर्तव्य समझते हुए निभाया है। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में भी यह अभियान और अधिक प्रभावी रूप से चलाया जाएगा, ताकि कोई भी जरूरतमंद ठंड में असहाय न रहे।
वहीं अध्यक्ष करण जायसवाल ने कहा कि संस्था का उद्देश्य केवल सहायता करना नहीं, बल्कि समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक संवेदनशीलता और अपनापन पहुँचाना है। उन्होंने कहा कि ठंड के इस मौसम में किसी जरूरतमंद को कंबल देना केवल सामग्री देना नहीं, बल्कि उसे सुरक्षित और सम्मानित महसूस कराना है। यह शीतकालीन राहत अभियान फरवरी 2026 तक पूरी निष्ठा और निरंतरता के साथ जारी रहेगा। हजारीबाग यूथ विंग द्वारा शीतकालीन राहत अभियान के तहत अब तक लगभग 600 कंबलों का वितरण किया जा चुका है। सेवा के इस क्रम में कई वृद्ध महिलाओं और पुरुषों ने भावुक होकर संस्था के सदस्यों को दोनों हाथ उठाकर आशीर्वाद दिया। यह सेवा कार्यक्रम संस्था के संरक्षक चंद्र प्रकाश जैन के मार्गदर्शन एवं अध्यक्ष करण जायसवाल के निर्देश पर आयोजित किया गया था। रात्रि सेवा में मुख्य रूप से संरक्षक चंद्रप्रकाश जैन, सचिव रितेश खण्डेलवाल, सह सचिव अभिषेक पांडे, संस्था के मार्गदर्शक जयप्रकाश खंडेलवाल,विकाश केशरी, कार्यकारिणी सदस्य मोहम्मद ताजुद्दीन, रोहित बजाज प्रमोद खण्डेलवाल एवं विनय पांडे उपस्थित रहें।

हजारीबाग - कड़ाके की ठंड के बीच मंगलवार की देर रात्रि करीब 11 बजे हजारीबाग यूथ विंग द्वारा शीतकालीन राहत अभियान के अंतर्गत मानवीय सेवा का अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत किया गया। जब अधिकांश लोग रजाई और हीटर की गर्माहट में विश्राम कर रहे थे, उसी समय हजारीबाग यूथ विंग की पूरी टीम सड़कों पर उतरकर जरूरतमंदों, बेसहारा लोगों एवं रिक्शा चालकों की सेवा में समर्पित नजर आई। अभियान के दौरान शहर के विभिन्न चौक-चौराहों के साथ पुराना बस स्टैंड, नया बस स्टैंड एवं पुराना समाहरणालय परिसर में मौजूद करीब 50 से अधिक जरूरतमंदों के बीच कंबल का वितरण किया गया। रात्रि के सन्नाटे में जैसे ही सेवा वाहन की हॉर्न की आवाज नींद में सो रहे जरूरतमंदों तक पहुँची, मानो उन्हें यह एहसास हुआ कि कोई उनका सहारा बनकर आया है। कंबल पाकर उनके चेहरों पर दिखाई दी राहत और मुस्कान ने सेवा की सार्थकता को स्पष्ट कर दिया। संस्था के संरक्षक चंद्रप्रकाश जैन ने कहा कि हजारीबाग यूथ विंग सेवा को अपना दायित्व मानकर कार्य कर रही है। देर रात सड़कों पर उतरकर जरूरतमंदों तक पहुंचना आसान नहीं होता, लेकिन संस्था के सभी पदाधिकारी एवं सदस्यों ने इसे सामाजिक कर्तव्य समझते हुए निभाया है। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में भी यह अभियान और अधिक प्रभावी रूप से चलाया जाएगा, ताकि कोई भी जरूरतमंद ठंड में असहाय न रहे।
हजारीबाग - नव वर्ष का स्वागत अगर किसी जरूरतमंद को जीवनदान देकर किया जाए, तो इससे बड़ा उत्सव कोई नहीं हो सकता। जब अधिकांश लोग नए साल के जश्न में मशगूल थे, उसी समय शहर के युवा समाजसेवी एवं हजारीबाग यूथ विंग के सचिव रितेश खंडेलवाल ने समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए 17वीं बार रक्तदान कर मानवता की एक प्रेरणादायक मिसाल पेश की। रितेश खंडेलवाल ने नव वर्ष के अवसर पर हजारीबाग यूथ विंग के संरक्षक चंद्र प्रकाश जैन सहित संस्था के अन्य पदाधिकारियों व सदस्यों की उपस्थिति में रक्तदान किया। उनके इस कदम से न केवल एक जरूरतमंद को समय पर रक्त उपलब्ध हो सका, बल्कि युवाओं के बीच सेवा और संवेदनशीलता का मजबूत संदेश भी गया। इस अवसर पर हजारीबाग यूथ विंग के संरक्षक चंद्र प्रकाश जैन ने कहा कि रितेश जैसे युवा समाज की वास्तविक ताकत हैं। नव वर्ष पर रक्तदान कर उन्होंने यह सिद्ध किया है कि समाज सेवा ही सच्चा उत्सव है। वहीं रक्तदान के बाद रितेश खंडेलवाल ने कहा कि नव वर्ष का स्वागत यदि किसी जरूरतमंद की मदद से हो, तो इससे बेहतर कुछ नहीं हो सकता। रक्तदान समाज के प्रति हमारी सामूहिक जिम्मेदारी का प्रतीक है। प्रत्येक स्वस्थ व्यक्ति को अपने जीवन में कम से कम एक बार रक्तदान अवश्य करना चाहिए, क्योंकि यह किसी के लिए जीवन का सबसे बड़ा उपहार बन सकता है।
हजारीबाग : मुख्यमंत्री पशुधन योजना के सहयोग से एवं हजारीबाग जिला प्रशासन के मार्गदर्शन में गव्य विकास एवं नवीकरणीय ऊर्जा से संबंधित योजनाओं का सकारात्मक प्रभाव अब जमीनी स्तर पर स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। बड़कागांव प्रखंड के गुरचट्टी गांव निवासी श्री अरुण कुमार ने सरकारी सहयोग, आधुनिक तकनीक और नवाचार के माध्यम से अपने डेयरी व्यवसाय को सफल उद्यम में परिवर्तित कर ग्रामीण आत्मनिर्भरता की मिसाल प्रस्तुत की है।
हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल ने साल 2025 में संसद के गलियारों से लेकर क्षेत्र के सुदूरवर्ती ग्रामीण इलाकों तक अपनी सक्रियता, संवेदनशीलता और दृढ़ संकल्प से एक अलग पहचान स्थापित की है। बिहार बॉर्डर से सटे चौपारण के चोरदाहा से लेकर पश्चिम बंगाल बॉर्डर के रामगढ़ स्थित बरलंगा, चतरा जिले के पिपरवार से कोडरमा जिले के चंदवारा तक फैले लोकसभा क्षेत्र में उनका कार्यकाल “बहुजनहिताय, बहुजनसुखाय” के आदर्शों का जीवंत उदाहरण रहा।
उपायुक्त शशि प्रकाश सिंह ने मंगलवार को समाहरणालय में आंगनबाड़ी केंद्रों में रैन वाटर हार्वेस्टिंग एवं शौचालय निर्माण/मरम्मत को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
कटकमसांडी प्रखंड के प्रसिद्ध छड़वा काली मंदिर में माघी पूर्णिमा के शुभ अवसर पे छड़वा मंदिर के प्रांगण में आगामी 18 जनवरी से लेकर 28 जनवरी तक भव्य मेला का आयोजन किया जाएगा।आज इसी को लेकर काली मंदिर के अध्यक्ष पन्नू महतो के अध्यक्षता में एक बैठक आहूत की गई थी ।जिसमें इस बैठक में बतौर मुख्य अतिथि हजारीबाग सांसद मनीष जायसवाल, एवं विशिष्ठ अतिथि ओबीसी मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष अमरदीप यादव शामिल हुए ।इस बैठक में मंदिर के समिति और प्रखंड के लगभग 25 गांव से आए सभी प्रबुद्ध व्यक्तिय मौजूद थे। इस बार लगने वाले भव्य मेला को लेकर आए प्रबुद्ध लोगों ने सांसद मनीष जायसवाल से चर्चा परिचर्चा किया। माघी पूर्णिमा के अवसर में आयोजित होने वाले कटकमसांडी प्रखंड के छड़वा काली मंदिर में माघ मेला-2026 की तैयारियों की विस्तृत जानकारी सांसद मनीष जायसवाल ने लिया।इस दौरान उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए मनीष जायसवाल ने कहा कि माघ मेला केवल आस्था का आयोजन नहीं, बल्कि भारत की सनातन परंपरा, सामाजिक अनुशासन और प्रशासनिक दक्षता का सजीव उदाहरण है. उन्होंने निर्देश दिए कि प्रखंड़। क्षेत्र से आने वाले श्रद्धालुओं को सुरक्षित, स्वच्छ और सुव्यवस्थित वातावरण उपलब्ध कराना मंदिर समिति के साथ साथ हम सभी का प्राथमिकता है.उन्होंने ओर कहा कि दस दिवसीय माघी पूर्णिमा मेला कटकमसांडी प्रखंड में पहली बार लगाया जा रहा है जो क्षेत्र के लिए एक ऐतिहासिक कदम है,उन्होंने और भी कहा कि
हजारीबाग - कड़ाके की ठंड को देखते हुए प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी हजारीबाग यूथ विंग के द्वारा शीतकालीन राहत अभियान दिसंबर के पहले सप्ताह के रविवार से चलाया जा रहा है। इसी क्रम में अभियान के तीसरे रविवार को वार्ड संख्या 26 में जरूरतमंद एवं असहाय लोगों के बीच कंबलों का वितरण किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सांसद मनीष जायसवाल उपस्थित रहे। संस्था के संरक्षक,सचिव समेत सभी पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने सांसद का गर्मजोशी से स्वागत एवं अभिनंदन किया। इसके उपरांत सांसद मनीष जायसवाल ने जरूरतमंदों के बीच कंबल वितरित कर कार्यक्रम प्रारंभ किया। संस्था के माध्यम से अब तक 500 कंबलों का वितरण किया जा चुका है। साप्ताहिक कार्यक्रमों के साथ-साथ विभिन्न स्थानों पर भी जरूरतमंदों के बीच कंबल बांटे जा रहे हैं। इस वर्ष संस्था ने(दो हजार) 2000 कंबल वितरण का लक्ष्य निर्धारित किया है, जिसे शीघ्र पूरा करने की दिशा में निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। कार्यक्रम प्रभारी के रूप में सांसद प्रतिनिधि एवं युवा समाजसेवी लब्बू गुप्ता ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और आयोजन को सफल बनाया। उनके साथ वार्ड संख्या 26 की वार्ड पार्षद मोना देवी ने भी अपनी भूमिका निभाई। इस अवसर पर सांसद मनीष जायसवाल ने कहा कि हजारीबाग यूथ विंग केवल एक संस्था नहीं, बल्कि सेवा, समर्पण और मानवीय संवेदनाओं का जीवंत उदाहरण है। कड़ाके की ठंड में जरूरतमंदों की सहायता के लिए आगे आना सच्चे सामाजिक दायित्व को दर्शाता है। आज जब समाज में संवेदनशीलता की कमी देखी जा रही है, ऐसे समय में हजारीबाग यूथ विंग जैसे संगठन उम्मीद की मजबूत किरण बनकर उभरे हैं। संस्था के सभी संरक्षक,अध्यक्ष एवं सभी सदस्य जिस लगन, ईमानदारी और निरंतरता के साथ समाजसेवा में लगे हैं, वह अत्यंत सराहनीय है। गरीब, असहाय और जरूरतमंद लोगों के चेहरे पर मुस्कान लाना ही सबसे बड़ा मानव धर्म है और यह संस्था उसी भावना के साथ लगातार कार्य कर रही है। हजारीबाग यूथ विंग के संरक्षक चंद्रप्रकाश जैन ने कहा कि संस्था का उद्देश्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक सहायता पहुंचाना है, ताकि कोई भी जरूरतमंद ठंड के इस मौसम में खुद को अकेला न महसूस करे। सेवा कार्य ही संस्था की पहचान है और इसी भावना के साथ लक्ष्य प्राप्ति तक यह अभियान निरंतर चलता रहेगा। वहीं संस्था के अध्यक्ष करण जायसवाल ने कहा कि हजारीबाग यूथ विंग के लिए समाजसेवा कोई एक दिवसीय कार्यक्रम नहीं, बल्कि सतत चलने वाली जिम्मेदारी है जरूरतमंदों की सहायता कर जो आत्मिक संतोष मिलता है, वही संस्था की सबसे बड़ी प्रेरणा है और इसी प्रेरणा के साथ आगे भी जनहित में कार्य किए जाते रहेंगे। हजारीबाग यूथ विंग का यह शीतकालीन राहत अभियान समाज में मानवता, सहयोग और संवेदना को सशक्त करने की दिशा में एक सराहनीय पहल है। मौके पर संरक्षक चंद्र प्रकाश जैन, सचिव रितेश खण्डेलवाल, सह सचिव अभिषेक पांडे, संस्था के मार्गदर्शक संजय कुमार,विकाश केशरी, डॉक्टर बी वेंकटेश, कार्यकारिणी सदस्य मोहम्मद ताजुद्दीन, रोहित बजाज, प्रमोद खण्डेलवाल,विवेक तिवारी, प्रज्ञा कुमारी,सेजल सिंह,सनी सलूजा,
हजारीबाग- भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के 140वें स्थापना दिवस के अवसर पर रविवार को कटकमदाग प्रखंड के कुशुन्भा पंचायत के जमुआरी में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में पूर्व सदर विधानसभा प्रत्याशी मुन्ना सिंह विशेष रूप से शामिल हुए और कांग्रेस पार्टी का ध्वज फहरा कर कांग्रेस पार्टी के कार्यकताओं के साथ पार्टी का स्थापना दिवस मनाया। इस अवसर पर मुन्ना सिंह ने कहा कि 140 वर्षों की यह गौरवशाली यात्रा केवल एक राजनीतिक दल की कहानी नहीं, बल्कि भारत की आज़ादी, लोकतंत्र, संविधान और सामाजिक समरसता के लिए किए गए अनगिनत बलिदानों की अमर गाथा है। उन्होंने बताया कि कांग्रेस पार्टी ने हमेशा देश को जोड़ने, कमजोर वर्गों को सशक्त बनाने और सत्य के मार्ग पर अडिग रहने का कार्य किया है। मुन्ना सिंह ने आगे कहा कि आज जब लोकतांत्रिक मूल्यों और संविधान पर गंभीर चुनौतियाँ हैं, ऐसे समय में कांग्रेस का ध्वज हमें सत्य, साहस और संघर्ष के मार्ग पर अडिग रहने की प्रेरणा देता है। झारखंड में कांग्रेस की पहल से पेसा कानून की प्रभावी लागू करने जैसी उपलब्धियाँ ग्रामीण स्वशासन को मजबूत करने और पंचायत स्तर पर विकास को नई दिशा देने में सहायक रही हैं।उन्होंने संकल्प व्यक्त किया कि महात्मा गांधी, पंडित नेहरू, इंदिरा गांधी और राजीव गांधी के विचारों को आत्मसात करते हुए जनता की आवाज़ बनकर न्याय और समानता के लिए निरंतर संघर्ष किया जाएगा।
1 hour and 40 min ago
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