हजारीबाग में कल से राणी सती मंदिर का 28वां स्थापना दिवस समारोह, दो दिनों तक भक्ति और श्रद्धा का संगम

हजारीबाग: शहर के मालवीय मार्ग स्थित राणी सती मंदिर में कल से 28वें स्थापना दिवस के पावन अवसर पर दो दिवसीय भव्य धार्मिक आयोजन का शुभारंभ होगा। इस अवसर पर मंदिर परिसर को आकर्षक और भव्य रूप से सजाया गया है, जिससे पूरा माहौल भक्तिमय हो उठा है।

कार्यक्रम के प्रथम दिन बुधवार को प्रातः 9:00 बजे से भव्य मंगल पाठ का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान धनबाद के सुप्रसिद्ध भजन गायक नीरज सांवरिया अपनी मधुर भजनों की प्रस्तुति देकर श्रद्धालुओं को भक्ति रस में सराबोर करेंगे।

दूसरे दिन गुरुवार को प्रातः 5:00 बजे मंगला आरती के साथ कार्यक्रम की शुरुआत होगी। इसके पश्चात पाटा पूजन, दादी का अलौकिक श्रृंगार, भव्य दर्शन एवं प्रसाद वितरण किया जाएगा। संध्या बेला में 13 सुहागन महिलाओं द्वारा परंपरा के अनुसार भव्य महाआरती की जाएगी, जो आयोजन का मुख्य आकर्षण रहेगा।

पूरे आयोजन के दौरान दादी को छप्पन भोग एवं सवामणि अर्पित किया जाएगा। साथ ही भजन संध्या के माध्यम से श्रद्धालु दादी के चरणों में अपनी आस्था अर्पित करेंगे और भक्ति में लीन होकर इस दिव्य आयोजन का हिस्सा बनेंगे।

मंदिर कमेटी के अध्यक्ष फतेहचंद मुनका ने बताया कि दादी की कृपा से पिछले 27 वर्षों से स्थापना दिवस समारोह भव्य रूप में आयोजित होता आ रहा है। इस वर्ष 28वां स्थापना दिवस और भी अधिक श्रद्धा एवं अलौकिक वातावरण के साथ संपन्न होगा।

वहीं मंदिर कमेटी के सचिव रमेश टिबड़ेवाल ने सभी श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर दादी का आशीर्वाद प्राप्त करने और आयोजन को सफल बनाने की अपील की है।

मंदिर परिसर में सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और श्रद्धालुओं में इस आयोजन को लेकर खासा उत्साह देखा जा रहा है।

पार्टी के वरिष्ठ कार्यकर्ताओं व मंडल पदाधिकारियों ने स्वागत किया
विपिन राठौर मीरापुर मुज़फ्फरनगर )आज भारतीय जनता पार्टी  जिला मुज़फ्फरनगर के प्रभारी मंत्री डॉ सोमेन्द्र तोमर ऊर्जा मंत्री उत्तर प्रदेश सरकार औऱ जिला अध्यक्ष सुधीर सैनी का मीरापुर मंडल में पधारने पर मैक्स मिलियन तिराहा पर कस्बे के पार्टी के वरिष्ठ कार्यकर्ताओं व मंडल पदाधिकारियों ने स्वागत किया। सभी कार्यकर्ताओं ने जिला अध्यक्ष व मंत्री को तीन राज्यों में भाजपा गठबंधन सरकार बनने पर हार्दिक शुभकामनाएं दी। उसके उपरांत शाम 6 बजे मंडल अध्यक्ष सचिन ठाकुर के नेतृत्व में भाजपा कार्यकर्ताओं ने ढोल नगाड़े बजाकर व एक दूसरे को मिठाई खिलाकर 3 राज्यो में सरकार बनने की खुशी मनाई गई। कार्यक्रम में मुख्य रूप से जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ वीरपाल निर्वाल ,अभिषेक चौधरी ,अमरजीत गूर्जर, प्रधुम्न शर्मा,नवीन सैनी,रामकुमार सैनी ,रूप सिंह प्रजापति,इन्दर सिंह कश्यप, चन्द्रपाल चौहान ,संदीप शर्मा,रकम सिंह,अभिषेक गर्ग,प्रतीक सैनी,विकास शर्मा आदि समस्त कार्यकर्ता उपस्थित रहे
श्री नर्मदेश्वर महादेव मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा
विपिन राठौर मीरापुर मुज़फ्फरनगर )
मीरापुरः क्षेत्र के ग्राम जमालपुर बांगर में स्थित नव निर्मित श्री नर्मदेश्वर महादेव मंदिर में सोमवार को विधि विधान पूर्वक मूर्तियों की प्राण प्रतिष्ठा की गई।
सिकरेडा गांव में मेरठ-पौड़ी राजमार्ग चौडीकरण की जद में आए श्री शिवमंदिर को विस्थापित किया गया है। सोमवार को मंदिर में मूर्तियों की प्राण प्रतिष्ठा से पूर्व गांव जमालुपर बांगर में सभी ग्रामीण महिलाओं ने बैंड-बाजे के साथ कलश यात्रा निकाली। कलश यात्रा गांव में स्थित देव स्थान से प्रारंभ होकर नव निर्मित श्री नर्मदेश्वर महादेव मंदिर पहंुची। जहां पर पं. सतीश पालिवाल ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पूजा-अर्चना संपन्न कराई। जिसके बाद मंदिर में मूर्तियों की प्राण प्रतिष्ठा हुई तथा इसके बाद भंडारे का आयोजन किय गया। जिसमें जिला पंचायत अध्यक्ष डा. वीरपाल निर्वाल, भाजपा नेता अमित राठी, अभिषेक चौधरी, रालोद के वरिष्ठ नेता अमरनाथ पाल समेत हजारों लोग शामिल हुए।
रघुनाथ जी की बड़ी कृपा हुई,आगे क्या होगा कोई कल्पना नहीं

*बंगाल चुनाव परिणाम पर बोले राजन जी महराज

गोंडा।जिले के कौड़िया बाजार स्थित जय सम्मय माता मंदिर पैड़ीबरा में आयोजित नौ दिवसीय श्रीराम कथा के दूसरे दिन पूज्य राजन जी महाराज ने भक्तों को संबोधित किया।इस दौरान उन्होंने बंगाल चुनाव परिणाम और सामाजिक परिस्थितियों पर अपने विचार रखे।अपने संबोधन में राजन जी महराज ने कहा कि बंगाल में चुनाव परिणाम के बाद रघुनाथ जी की बड़ी कृपा हुई है।उन्होंने कहा कि आगे क्या होगा,इसकी कोई कल्पना नहीं की जा सकती है।महराज जी ने यह भी कहा कि वे वहां की परिस्थितियों को जानते हैं और वहां भगवान की कृपा महसूस की गई है।राजन जी महराज ने श्रद्धालुओं को संबंधित करते हुए कहा कि संशय होना गलत नहीं है, परन्तु उसका समाधान उचित माध्यम से करना चाहिए। उन्होंने कहा कि बिना सही व्यक्ति के सामने संशय रखने से स्थिति और बिगड़ सकती है।राजन जी महराज ने व्यंग्यात्मक रूप में कहा कि आजकल लोग बिना विशेषज्ञता के भी सलाह देने लगते हैं।उन्होंने आगे कहा कि केवल जप तप या पूजा पाठ ही भजन नहीं है।यदि कोई व्यक्ति घर में भोजन बनाते समय यह भाव रखे कि वह भगवान के लिए भोग तैयार कर रहा है,तो वही कार्य भजन और सेवा बन जाता है।यही सच्चा परमार्थ है।अपने संदेश के अंत में उन्होंने कहा कि विवेक सत्संग के बिना जागृत नहीं होता है।इसलिए लोगों को समय निकालकर नियमित रूप से सत्संग में शामिल होना चाहिए,जिससे जीवन को सही दिशा मिल सके।
एक शायर : 40 बरस से कर रहा दुनिया में भारत का नाम रौशन

1987 में पढ़ा पहला अंतरराष्ट्रीय मुशायरा

• दुनिया के पहले शायर मंजर भोपाली, जिन्हें अमेरिका ने दी है मानद नागरिकता

खान आशु 

भोपाल। शायर न होते तो वह एक अच्छे हॉकी खिलाड़ी होते या कहीं सरकारी मुलाजमत कर रहे होते। लेकिन किस्मत ने पैर में यायावरी का भंवरा डाल रखा था, एक दिन हॉकी का शौक और लगी लगाई पोस्ट ऑफिस की सरकारी नौकरी ताक पर रख आए। अपने अंदर छुपे शायर को जिंदा किया, और देवास छोटे मंच से जो शुरुआत हुई तो आधी दुनिया के मंचों की कामयाबी की गारंटी बन गए। 

अंतर्राष्ट्रीय शायर मंजर भोपाली ने अपनी शायरी के 50 बरस पूरे कर लिए हैं और इनमें भी उनका 40 सालों का साथ अंतरराष्ट्रीय मुशायरों से जुड़ा हुआ है। 

1987 में जब पहली बार करांची के एक अंतरराष्ट्रीय मुशायरे का दावतनामा हाथ लगा तो उस समय न अंतरराष्ट्रीय तहज़ीब साथ थी, न बदन पर तरीके के कपड़े और न विदेश यात्रा करने के लिए पासपोर्ट। साथी शायर मरहूम डॉ. राहत इंदौरी और अंजुम रहबर भी पासपोर्ट न होने के अवसाद में थे, तीनों ने मिलकर पासपोर्ट बनवाया और इस 20/29 दिन के प्रोग्राम में शिरकत की। उस पहली विदेश यात्रा को लेकर मंजर कहते हैं कि दुनिया के तमाम बड़े शायरों की मौजूदगी वाली इस महफिल में उन्हें जो शेर सुनाने के लिए कहा गया था, मंच पर जाकर उसको ही भूल गए। हिम्मत बटोरकर उन्होंने एक कंठस्थ शेर

'कोई बचने का नहीं

सबका पता जानती है 

किस तरफ आग लगाना है 

हवा जानती है...!' 

सुना दिया, जो उस मंच पर काफी पसंद किया गया। 

अमेरिका जा चुके 38 बार 

अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर मंजर भोपाली की मकबूलियत बढ़ी तो वे इन चालीस सालों में आधी दुनिया नाप चुके हैं। अमेरिका के अलग अलग शहरों में करीब 38 बार अपनी आमद दर्ज करवाकर करीब 600/700 प्रोग्राम का हिस्सा बन चुके हैं। भारत ही नहीं बल्कि दुनिया के वे ऐसे इकलौते हिंदी या उर्दू के शायर कहे जा सकते हैं, जिन्हें अमेरिका ने मानद नागरिकता प्रदान की है।

इन देशों का लगाया फेरा

अमेरिका की 38 यात्राओं का दंभ रखने वाले मंजर भोपाली 

केनेड़ा, ऑस्ट्रेलिया, नार्वे, इंग्लैंड, एम्सतर्डन, मलेशिया, सऊदी अरब, यूएई, सल्तनत ए ओमान, दोहा क़तर, पाकिस्तान, अफ्रीका, ईरान, कुवैत, सिंगापुर के मंच भी गुलजार कर चुके हैं। 

अब रुख ब्रिटानिया का

शायर मंजर भोपाली ने बताया कि जुलाई माह में दो सप्ताह की विदेश यात्रा पर जाएंगे। इस दौरान वे इंग्लैंड, फ्रांस और जर्मन में मुशायरों की महफिल की रौनक बनेंगे। 

सुनने वाले अच्छे हो तो सुनाने का मज़ा: मंजर

मंजर भोपाली बताते हैं कि दुनिया के किसी भी कोने में होने वाली मुशायरा महफिल हैदराबाद, अलीगढ़, कराची के लोगों की मौजूदगी के बिना पूरी भी नहीं होती और निखर भी नहीं पाती। वे कहते हैं सुनाने वाले शायर को अपना कलाम सुनाने का उत्साह तभी आता है, जब सुनने वाले उसी शिद्दत के साथ मौजूद हों। मंजर कहने से नहीं चूकते कि वे बड़े शायर नहीं हैं, लेकिन लोगों ने उन्हें वह मुकाम दे दिया है। डॉ. राहत इंदौरी, मुनव्वर राणा, बशीर बद्र या प्रो वसीम बरेलवी की मंचीय गैरमौजूदगी ने उनके लिए जिम्मेदारियां बढ़ा दी हैं, यह मंजर भोपाली का मानना है।

रिटायर्ड फौजी से मारपीट मामले में तीन आरोपी भगोड़ा घोषित,तलाश में जुटी देहात कोतवाली पुलिस
*5 महीने से फरार चल रहे तीनों आरोपी

गोंडा।देहात कोतवाली थाना क्षेत्र में एक रिटायर्ड फौजी और उनके परिवार पर हुए जानलेवा हमले के मामले में तीन आरोपियों को न्यायालय ने भगोड़ा घोषित कर दिया है।तीनों आरोपी पिछले पांच महीने से फरार चल रहे हैं,जिसके बाद देहात कोतवाली पुलिस ने उनकी तलाश तेज कर दिया है।बताते चलें कि यह घटना बीते 16 नवंबर को देहात कोतवाली क्षेत्र के कोयली जंगल गांव में हुई थी।पूर्व फौजी आनंद यादव और उनके परिवार के सदस्य किशन लाल यादव व दशरथ लाल यादव पर धारदार हथियारों से हमला किया गया था,जिसमें आनंद यादव गंभीर रूप से घायल हो गये थे और उनका लगभग एक महीने तक लखनऊ में इलाज चला था।मामले में जिन तीनों आरोपियों को भगोड़ा घोषित किया गया है उनके नाम क्रमशः राजेश, अतुल और आलोक है।पुलिस इनकी गिरफ्तारी के लिए पिछले पांच महीने से लगातार छापेमारी कर रही है।आरोपियों के घरों पर डुग्गी मुनादी कराने के साथ साथ नोटिस भी चस्पा किये गये थे,परन्तु उन्होंने ना तो न्यायालय में और ना ही कोतवाली में आत्मसमर्पण किया।आरोपियों को न्यायालय द्वारा भगोड़ा घोषित किए जाने के बाद देहात कोतवाली पुलिस ने राजेश, अतुल व आलोक की तलाश और तेज कर दिया है।इन तीनों आरोपियों को पकड़ने के लिए कई पुलिस टीमों का गठन किया गया है,जो उनके रिश्तेदारों और परिचितों के ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही है।16 नवंबर को जब पूर्व फौजी आनंद यादव ड्यूटी पर जा रहे थे, तब उन्हें रास्ते में रोककर पुराने विवाद के चलते हमला किया गया था।इस हमले में भगवान शंकर, अंकुश,अतुल,आलोक,सत्यम,विजय और राकेश सहित अन्य आरोपी शामिल थे।उन पर बांके और अन्य धारदार हथियारों से हमला किया गया था।देहात कोतवाल शमशेर बहादुर सिंह ने बताया कि न्यायालय ने राजेश, अतुल और आलोक को भगोड़ा घोषित किया है।उनकी गिरफ्तारी के लिए निरन्तर प्रयास किया जा रहा है और न्यायालय के आदेश पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।वहीं पीड़ित आनंद यादव की पत्नी मंजू देवी ने देहात कोतवाली पुलिस पर आरोप लगाया है कि पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं कर रही है,जबकि वे खुलेआम घूम रहे हैं।
देवघर-के कांग्रेस नेता डॉ मुनम्म संजय को प्रदेश कांग्रेस कमेटी का महासचिव बनाया गया। कांग्रेस ने एक बड़ी जिम्मेदारी दी।
देवघर: कांग्रेस के जुझारू, बेबाक और जमीनी नेता डॉ. मुनम्म संजय का है—एक ऐसा नाम, जो संघर्ष की आग में तपकर राजनीति की असली पहचान बना है। आज जब उन्हें प्रदेश कांग्रेस कमेटी का महासचिव बनाया गया है, तो यह केवल एक पद नहीं, बल्कि वर्षों की तपस्या, त्याग और अडिग निष्ठा का सम्मान है। डॉ. संजय का राजनीतिक जीवन किसी आरामदायक रास्ते से नहीं, बल्कि संघर्षों के तूफान से होकर निकला है। छात्र जीवन से ही उन्होंने सत्ता के खिलाफ आवाज उठाई। देवघर का टावर चौक उनकी लड़ाइयों का साक्षी रहा है—जहां उन्होंने धरना दिया, अनशन किया, सड़कें जाम कीं, पुतला दहन किया और हर उस मुद्दे पर डटकर खड़े हुए, जहां आम जनता की आवाज दबाई जा रही थी। सैकड़ों बार गिरफ्तारियां झेलना उनके लिए डर का कारण नहीं, बल्कि संघर्ष का तमगा बन गया। सबसे बड़ी बात—जब कई लोग सत्ता के लालच में रास्ता बदल लेते हैं, तब डॉ. संजय ने कभी कांग्रेस का दामन नहीं छोड़ा। पार्टी के सबसे कठिन दौर में भी वे चट्टान की तरह डटे रहे। लेकिन डॉ. संजय ने अद्भुत धैर्य और साहस का परिचय दिया। उन्होंने साफ तौर पर ठान लिया कि किसी भी कीमत पर झुकना नहीं है—और अडिग होकर हर दबाव का मुकाबला किया। उन्होंने न कभी कांग्रेस से समझौता किया, न ही कांग्रेस की विचारधारा के साथ किसी प्रकार की सौदेबाजी की। गांधी परिवार के प्रति उनकी निष्ठा और कांग्रेस विचारधारा के प्रति उनका समर्पण कभी डगमगाया नहीं। यही कारण है कि पार्टी ने हर मोड़ पर उन पर भरोसा जताया। एनएसयूआई के जिला अध्यक्ष से लेकर युवा कांग्रेस के नेतृत्व तक, और फिर करीब 14-15 वर्षों तक देवघर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष के रूप में उन्होंने संगठन को जमीनी स्तर पर खड़ा किया। विरोध, साजिश और अंदरूनी खींचतान के बावजूद उन्होंने कभी हार नहीं मानी—बल्कि हर चुनौती को अपनी ताकत बना लिया। बीस सूत्री कार्यक्रम के जिला उपाध्यक्ष के रूप में उन्होंने जो काम किया, वह सिर्फ पद संभालना नहीं था, बल्कि व्यवस्था को आईना दिखाना था। उन्होंने यह साबित किया कि अगर नीयत साफ हो, तो सरकारी योजनाएं सिर्फ कागजों तक सीमित नहीं रहतीं, बल्कि गरीबों के घर तक पहुंचती हैं। उन्होंने प्रशासन को जवाबदेह बनाया, अधिकारियों को सक्रिय किया और आम जनता के हक के लिए लड़ाई लड़ी। डॉ. संजय की पहचान सिर्फ एक नेता की नहीं, बल्कि एक लड़ाकू सिपाही की है—जो हर वक्त जनता के बीच खड़ा रहता है। उनकी पकड़ प्रशासन पर भी रही है और जनता के दिलों पर भी। कई बार प्रशासन से टकराव हुआ, लेकिन हर बार उन्होंने अपने हक की लड़ाई को मजबूती से रखा और समाधान भी निकाला। उनका स्वभाव जितना सरल है, उनकी राजनीति उतनी ही धारदार। युवाओं में उनकी जबरदस्त पकड़ है—क्योंकि वे सिर्फ भाषण नहीं देते, बल्कि साथ लेकर चलते हैं। यही वजह है कि उनके साथ हमेशा युवाओं की एक मजबूत फौज खड़ी रहती है। पार्टी ने उन्हें कई जिलों में प्रभारी और ऑब्जर्वर बनाकर उनकी क्षमता का उपयोग किया है। अब प्रदेश महासचिव के रूप में यह देखना दिलचस्प होगा कि वे अपने अनुभव, संघर्ष और जमीनी समझ से संगठन को किस ऊंचाई तक ले जाते हैं। आज उनके इस नए दायित्व से कांग्रेस कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा, नया जोश और नई उम्मीद जगी है। आम कांग्रेसियों से लेकर बुद्धिजीवियों तक, हर कोई यह मान रहा है कि पार्टी ने इस बार एक ऐसे योद्धा को जिम्मेदारी दी है, जो सिर्फ कुर्सी नहीं, बल्कि विचार और संघर्ष की राजनीति को आगे बढ़ाएगा।
अवध विश्वविद्यालय की सम सेमेस्टर 2025-2026 की मुख्य परीक्षा आज से शुरू*
आज दिनांक 5 जुलाई 2026 से डॉ राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय अयोध्या की सम सेमेस्टर की मुख्य परीक्षा तीन पालियों में सम्पन्न हो रही है जिसमें प्रथम पाली 8:30 से 10:30 तक एम.ए./ एम.एस.सी./ एम.कॉम. चतुर्थ सेमेस्टर, द्वितीय पाली 11:30 से 01:30 तक बी.ए./बी.एस.सी/बी.कॉम चतुर्थ सेमेस्टर एवं तृतीय पाली 02:30 से 04:30 तक बी.ए षष्ठम सेमेस्टर की परीक्षाएं बहुत ही सुचिता पूर्ण रूप से नक़ल विहीन परीक्षा सम्पन्न कराने के लिए प्राचार्य/केन्द्राध्यक्ष प्रो.अंग्रेज सिंह ने आन्तरिक उड़ाका दल का गठन किया है, जिसके द्वारा मुख्य गेट पर ही सघन तलाशी लेने के बाद ही छात्र/छात्राएं परीक्षा कक्ष में प्रवेश दिया गया और साथ ही परीक्षा से संबंधित आवश्यक दिशा निर्देश देते हुए उसका पालन करने की सख्त हिदायत दी गई। इसके उपरान्त प्राचार्य के नेतृत्व में परीक्षा कक्ष में भी छात्र छात्राओं की तलाशी ली गई।

इस अवसर पर मुख्य रूप से प्रो.मो.शाहिद, प्रो.राजीव कुमार श्रीवास्तव, प्रो.नीलम त्रिपाठी,डॉ.सूर्य प्रकाश मिश्र,डॉ.अजय कुमार मिश्र, डॉ.आशीष द्विवेदी,डॉ.संध्या श्रीवास्तव, डॉ.विष्णु शंकर अग्रहरि एवं सहायक के रूप में लक्ष्मी शुक्ला,डॉ.कुंवर दिनकर प्रताप सिंह,नंदलाल,अंशू श्रीवास्तव, अरुण मिश्र आदि परीक्षा के समय उपस्थित रहे। प्रथम पाली में लगभग 400 , द्वितीय पाली में लगभग 350 तथा तृतीय पाली में केवल 32 छात्र/छात्राएँ परीक्षा में सम्मिलित हुए।
9 मई को पश्चिम बंगाल में शपथ ग्रहण, कौन होगा पहली बीजेपी सरकार का सीएम?

#kolkataswearinginceremonyofbjpnew_government

पश्चिम बंगाल के विधानसभा चुनाव में प्रचंड जीत के बाद अब सभी की निगाहें राज्य में भाजपा के मुख्यमंत्री चेहरे और शपथ ग्रहण की तारीख पर टिक गई हैं। बंगाल में 206 सीटों पर प्रचंड जीत के बाद नए सीएम चुनने की तैयारी चल रही है। जानकारी के अनुसार, 9 मई को बंगाल में बीजेपी की पहली सरकार शपथ लेगी। कोलकाता के परेड ग्राउंड में शपथ ग्रहण संभव है।

भारतीय जनता पार्टी ने सोमवार को पश्चिम बंगाल में शानदार जीत दर्ज की। जिसके बाद बीजेपी ने नई सरकार के शपथ ग्रहण समारोह के लिए तारीख तय हो गई है। बंगाल भाजपा अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य ने कहा कि राज्य में भाजपा के पहले मुख्यमंत्री का शपथ ग्रहण समारोह 9 मई को आयोजित किया जाएगा।

राजनाथ सिंह जाएंगे कोलकाता

पश्चिम बंगाल में पहली बार बीजेपी इतनी बड़ी जीत के साथ उभरी है कि अब सबसे बड़ा सवाल मुख्यमंत्री के चेहरे को लेकर खड़ा हो गया है। क्या पार्टी अनुभवी नेता सुवेंदु अधिकारी को चुनेगी या नए चेहरे पर दांव लगाएगी? ऐसे में बुधवार को रक्षामंत्री राजनाथ सिंह कोलकाता आएंगे। वह यहां बीजेपी के जीते हुए विधायकों से बातचीत करेंगे जिसके बाद विधायक दल का नेता और बंगाल के नये मुख्यमंत्री के नाम का फैसला होगा।

सीएम की दौड़ में पहला नाम सुवेंदु अधिकारी का

मुख्यमंत्री की दौड़ में पहला नाम सुवेंदु अधिकारी का है। वह पिछले पांच सालों से राज्य में नेता विपक्ष की भूमिका निभा रहे थे। उन्होंने इन चुनावों में मौजूदा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को उनकी सीट भवानीपुर में शिकस्त दी है। ऐसे में दौड़ में सुवेंदु अधिकारी आगे माने जा रहे हैं। लेकिन अन्य राज्यों के रिकॉर्ड को देखें तो बीजेपी अभी तक चौंकाती आई है। अगर ऐसा होता है तो फिर कौन सीएम बन सकता है।

सुल्तानपुर के उभरते क्रिकेटर प्रवेश पाल का टी 20 मुंबई में चयन,अजिंक्य रहाणे की कप्तानी में खेलेंगे मुंबई*
सुल्तानपुर कटका खानपुर के निवासी प्रतिभाशाली क्रिकेटर प्रवेश पाल का प्रतिष्ठित टी-20 मुंबई टूर्नामेंट के लिए चयन हुआ है। यह उनके क्रिकेट करियर की एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है। पिछले सीजन में प्रवेश पाल ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 3 मैचों में 4 विकेट हासिल किए थे और उनकी इकॉनमी रेट 6 रही थी, जो उनकी सटीक और नियंत्रित गेंदबाजी को दर्शाती है। उनके लगातार प्रभावशाली प्रदर्शन ने चयनकर्ताओं का ध्यान आकर्षित किया।

प्रवेश पाल,दयाराम पाल के पुत्र हैं और उन्होंने सुल्तानपुर में कोच आसद अहमद के मार्गदर्शन में अपने क्रिकेट करियर की शुरुआत की। अपनी मेहनत, अनुशासन और समर्पण के दम पर उन्होंने यह मुकाम हासिल किया है। इस बार प्रवेश पाल अनुभवी क्रिकेटर अजिनक्या रहाणे की कप्तानी में खेलते नजर आएंगे, जो उनके लिए एक बड़ा अवसर माना जा रहा है। अपने चयन पर उन्होंने कोच, परिवार और समर्थकों का आभार व्यक्त किया और आगामी मुकाबलों में बेहतर प्रदर्शन का भरोसा जताया। जिला ओलंपिक अध्यक्ष / पूर्व मंत्री ओ पी सिंह, ओलंपिक संघ के सचिव पंकज दुबे ,उपाध्यक्ष डॉक्टर प्रवीण सिंह , राजेश कन्नौजिया ,संघ के संरक्षक भोला सिंह ,समाजसेवी मनीषा पांडे, प्रदीप सिंह, पवन सिंह फुटबॉल संघ के सचिव एम एस बेग, टेबल टेनिस संघ के सचिव मोहम्द सईद, कबड्डी संघ के सचिव महेश यादव, एथलेटिक संघ के अध्यक्ष राम लखन यादव, बॉक्सिंग संघ के सचिव विजय बॉक्सर हैंडबॉल संग के सचिव प्रवीण मिश्रा रष्ट्रीय खिलाड़ी कुमार मिश्र ,राकेश सिंह नवनीत सिंह, आदि लोगो ने दी बधाई। ओलंपिक संघ के प्रवक्ता डॉक्टर अब्दुल हमीद में बताया कि जनपद सुलतानपुर क्रिकेट के साथ-साथ सभी खेलों अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिभा देती रही है
हजारीबाग में कल से राणी सती मंदिर का 28वां स्थापना दिवस समारोह, दो दिनों तक भक्ति और श्रद्धा का संगम

हजारीबाग: शहर के मालवीय मार्ग स्थित राणी सती मंदिर में कल से 28वें स्थापना दिवस के पावन अवसर पर दो दिवसीय भव्य धार्मिक आयोजन का शुभारंभ होगा। इस अवसर पर मंदिर परिसर को आकर्षक और भव्य रूप से सजाया गया है, जिससे पूरा माहौल भक्तिमय हो उठा है।

कार्यक्रम के प्रथम दिन बुधवार को प्रातः 9:00 बजे से भव्य मंगल पाठ का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान धनबाद के सुप्रसिद्ध भजन गायक नीरज सांवरिया अपनी मधुर भजनों की प्रस्तुति देकर श्रद्धालुओं को भक्ति रस में सराबोर करेंगे।

दूसरे दिन गुरुवार को प्रातः 5:00 बजे मंगला आरती के साथ कार्यक्रम की शुरुआत होगी। इसके पश्चात पाटा पूजन, दादी का अलौकिक श्रृंगार, भव्य दर्शन एवं प्रसाद वितरण किया जाएगा। संध्या बेला में 13 सुहागन महिलाओं द्वारा परंपरा के अनुसार भव्य महाआरती की जाएगी, जो आयोजन का मुख्य आकर्षण रहेगा।

पूरे आयोजन के दौरान दादी को छप्पन भोग एवं सवामणि अर्पित किया जाएगा। साथ ही भजन संध्या के माध्यम से श्रद्धालु दादी के चरणों में अपनी आस्था अर्पित करेंगे और भक्ति में लीन होकर इस दिव्य आयोजन का हिस्सा बनेंगे।

मंदिर कमेटी के अध्यक्ष फतेहचंद मुनका ने बताया कि दादी की कृपा से पिछले 27 वर्षों से स्थापना दिवस समारोह भव्य रूप में आयोजित होता आ रहा है। इस वर्ष 28वां स्थापना दिवस और भी अधिक श्रद्धा एवं अलौकिक वातावरण के साथ संपन्न होगा।

वहीं मंदिर कमेटी के सचिव रमेश टिबड़ेवाल ने सभी श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर दादी का आशीर्वाद प्राप्त करने और आयोजन को सफल बनाने की अपील की है।

मंदिर परिसर में सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और श्रद्धालुओं में इस आयोजन को लेकर खासा उत्साह देखा जा रहा है।

पार्टी के वरिष्ठ कार्यकर्ताओं व मंडल पदाधिकारियों ने स्वागत किया
विपिन राठौर मीरापुर मुज़फ्फरनगर )आज भारतीय जनता पार्टी  जिला मुज़फ्फरनगर के प्रभारी मंत्री डॉ सोमेन्द्र तोमर ऊर्जा मंत्री उत्तर प्रदेश सरकार औऱ जिला अध्यक्ष सुधीर सैनी का मीरापुर मंडल में पधारने पर मैक्स मिलियन तिराहा पर कस्बे के पार्टी के वरिष्ठ कार्यकर्ताओं व मंडल पदाधिकारियों ने स्वागत किया। सभी कार्यकर्ताओं ने जिला अध्यक्ष व मंत्री को तीन राज्यों में भाजपा गठबंधन सरकार बनने पर हार्दिक शुभकामनाएं दी। उसके उपरांत शाम 6 बजे मंडल अध्यक्ष सचिन ठाकुर के नेतृत्व में भाजपा कार्यकर्ताओं ने ढोल नगाड़े बजाकर व एक दूसरे को मिठाई खिलाकर 3 राज्यो में सरकार बनने की खुशी मनाई गई। कार्यक्रम में मुख्य रूप से जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ वीरपाल निर्वाल ,अभिषेक चौधरी ,अमरजीत गूर्जर, प्रधुम्न शर्मा,नवीन सैनी,रामकुमार सैनी ,रूप सिंह प्रजापति,इन्दर सिंह कश्यप, चन्द्रपाल चौहान ,संदीप शर्मा,रकम सिंह,अभिषेक गर्ग,प्रतीक सैनी,विकास शर्मा आदि समस्त कार्यकर्ता उपस्थित रहे
श्री नर्मदेश्वर महादेव मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा
विपिन राठौर मीरापुर मुज़फ्फरनगर )
मीरापुरः क्षेत्र के ग्राम जमालपुर बांगर में स्थित नव निर्मित श्री नर्मदेश्वर महादेव मंदिर में सोमवार को विधि विधान पूर्वक मूर्तियों की प्राण प्रतिष्ठा की गई।
सिकरेडा गांव में मेरठ-पौड़ी राजमार्ग चौडीकरण की जद में आए श्री शिवमंदिर को विस्थापित किया गया है। सोमवार को मंदिर में मूर्तियों की प्राण प्रतिष्ठा से पूर्व गांव जमालुपर बांगर में सभी ग्रामीण महिलाओं ने बैंड-बाजे के साथ कलश यात्रा निकाली। कलश यात्रा गांव में स्थित देव स्थान से प्रारंभ होकर नव निर्मित श्री नर्मदेश्वर महादेव मंदिर पहंुची। जहां पर पं. सतीश पालिवाल ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पूजा-अर्चना संपन्न कराई। जिसके बाद मंदिर में मूर्तियों की प्राण प्रतिष्ठा हुई तथा इसके बाद भंडारे का आयोजन किय गया। जिसमें जिला पंचायत अध्यक्ष डा. वीरपाल निर्वाल, भाजपा नेता अमित राठी, अभिषेक चौधरी, रालोद के वरिष्ठ नेता अमरनाथ पाल समेत हजारों लोग शामिल हुए।
रघुनाथ जी की बड़ी कृपा हुई,आगे क्या होगा कोई कल्पना नहीं

*बंगाल चुनाव परिणाम पर बोले राजन जी महराज

गोंडा।जिले के कौड़िया बाजार स्थित जय सम्मय माता मंदिर पैड़ीबरा में आयोजित नौ दिवसीय श्रीराम कथा के दूसरे दिन पूज्य राजन जी महाराज ने भक्तों को संबोधित किया।इस दौरान उन्होंने बंगाल चुनाव परिणाम और सामाजिक परिस्थितियों पर अपने विचार रखे।अपने संबोधन में राजन जी महराज ने कहा कि बंगाल में चुनाव परिणाम के बाद रघुनाथ जी की बड़ी कृपा हुई है।उन्होंने कहा कि आगे क्या होगा,इसकी कोई कल्पना नहीं की जा सकती है।महराज जी ने यह भी कहा कि वे वहां की परिस्थितियों को जानते हैं और वहां भगवान की कृपा महसूस की गई है।राजन जी महराज ने श्रद्धालुओं को संबंधित करते हुए कहा कि संशय होना गलत नहीं है, परन्तु उसका समाधान उचित माध्यम से करना चाहिए। उन्होंने कहा कि बिना सही व्यक्ति के सामने संशय रखने से स्थिति और बिगड़ सकती है।राजन जी महराज ने व्यंग्यात्मक रूप में कहा कि आजकल लोग बिना विशेषज्ञता के भी सलाह देने लगते हैं।उन्होंने आगे कहा कि केवल जप तप या पूजा पाठ ही भजन नहीं है।यदि कोई व्यक्ति घर में भोजन बनाते समय यह भाव रखे कि वह भगवान के लिए भोग तैयार कर रहा है,तो वही कार्य भजन और सेवा बन जाता है।यही सच्चा परमार्थ है।अपने संदेश के अंत में उन्होंने कहा कि विवेक सत्संग के बिना जागृत नहीं होता है।इसलिए लोगों को समय निकालकर नियमित रूप से सत्संग में शामिल होना चाहिए,जिससे जीवन को सही दिशा मिल सके।
एक शायर : 40 बरस से कर रहा दुनिया में भारत का नाम रौशन

1987 में पढ़ा पहला अंतरराष्ट्रीय मुशायरा

• दुनिया के पहले शायर मंजर भोपाली, जिन्हें अमेरिका ने दी है मानद नागरिकता

खान आशु 

भोपाल। शायर न होते तो वह एक अच्छे हॉकी खिलाड़ी होते या कहीं सरकारी मुलाजमत कर रहे होते। लेकिन किस्मत ने पैर में यायावरी का भंवरा डाल रखा था, एक दिन हॉकी का शौक और लगी लगाई पोस्ट ऑफिस की सरकारी नौकरी ताक पर रख आए। अपने अंदर छुपे शायर को जिंदा किया, और देवास छोटे मंच से जो शुरुआत हुई तो आधी दुनिया के मंचों की कामयाबी की गारंटी बन गए। 

अंतर्राष्ट्रीय शायर मंजर भोपाली ने अपनी शायरी के 50 बरस पूरे कर लिए हैं और इनमें भी उनका 40 सालों का साथ अंतरराष्ट्रीय मुशायरों से जुड़ा हुआ है। 

1987 में जब पहली बार करांची के एक अंतरराष्ट्रीय मुशायरे का दावतनामा हाथ लगा तो उस समय न अंतरराष्ट्रीय तहज़ीब साथ थी, न बदन पर तरीके के कपड़े और न विदेश यात्रा करने के लिए पासपोर्ट। साथी शायर मरहूम डॉ. राहत इंदौरी और अंजुम रहबर भी पासपोर्ट न होने के अवसाद में थे, तीनों ने मिलकर पासपोर्ट बनवाया और इस 20/29 दिन के प्रोग्राम में शिरकत की। उस पहली विदेश यात्रा को लेकर मंजर कहते हैं कि दुनिया के तमाम बड़े शायरों की मौजूदगी वाली इस महफिल में उन्हें जो शेर सुनाने के लिए कहा गया था, मंच पर जाकर उसको ही भूल गए। हिम्मत बटोरकर उन्होंने एक कंठस्थ शेर

'कोई बचने का नहीं

सबका पता जानती है 

किस तरफ आग लगाना है 

हवा जानती है...!' 

सुना दिया, जो उस मंच पर काफी पसंद किया गया। 

अमेरिका जा चुके 38 बार 

अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर मंजर भोपाली की मकबूलियत बढ़ी तो वे इन चालीस सालों में आधी दुनिया नाप चुके हैं। अमेरिका के अलग अलग शहरों में करीब 38 बार अपनी आमद दर्ज करवाकर करीब 600/700 प्रोग्राम का हिस्सा बन चुके हैं। भारत ही नहीं बल्कि दुनिया के वे ऐसे इकलौते हिंदी या उर्दू के शायर कहे जा सकते हैं, जिन्हें अमेरिका ने मानद नागरिकता प्रदान की है।

इन देशों का लगाया फेरा

अमेरिका की 38 यात्राओं का दंभ रखने वाले मंजर भोपाली 

केनेड़ा, ऑस्ट्रेलिया, नार्वे, इंग्लैंड, एम्सतर्डन, मलेशिया, सऊदी अरब, यूएई, सल्तनत ए ओमान, दोहा क़तर, पाकिस्तान, अफ्रीका, ईरान, कुवैत, सिंगापुर के मंच भी गुलजार कर चुके हैं। 

अब रुख ब्रिटानिया का

शायर मंजर भोपाली ने बताया कि जुलाई माह में दो सप्ताह की विदेश यात्रा पर जाएंगे। इस दौरान वे इंग्लैंड, फ्रांस और जर्मन में मुशायरों की महफिल की रौनक बनेंगे। 

सुनने वाले अच्छे हो तो सुनाने का मज़ा: मंजर

मंजर भोपाली बताते हैं कि दुनिया के किसी भी कोने में होने वाली मुशायरा महफिल हैदराबाद, अलीगढ़, कराची के लोगों की मौजूदगी के बिना पूरी भी नहीं होती और निखर भी नहीं पाती। वे कहते हैं सुनाने वाले शायर को अपना कलाम सुनाने का उत्साह तभी आता है, जब सुनने वाले उसी शिद्दत के साथ मौजूद हों। मंजर कहने से नहीं चूकते कि वे बड़े शायर नहीं हैं, लेकिन लोगों ने उन्हें वह मुकाम दे दिया है। डॉ. राहत इंदौरी, मुनव्वर राणा, बशीर बद्र या प्रो वसीम बरेलवी की मंचीय गैरमौजूदगी ने उनके लिए जिम्मेदारियां बढ़ा दी हैं, यह मंजर भोपाली का मानना है।

रिटायर्ड फौजी से मारपीट मामले में तीन आरोपी भगोड़ा घोषित,तलाश में जुटी देहात कोतवाली पुलिस
*5 महीने से फरार चल रहे तीनों आरोपी

गोंडा।देहात कोतवाली थाना क्षेत्र में एक रिटायर्ड फौजी और उनके परिवार पर हुए जानलेवा हमले के मामले में तीन आरोपियों को न्यायालय ने भगोड़ा घोषित कर दिया है।तीनों आरोपी पिछले पांच महीने से फरार चल रहे हैं,जिसके बाद देहात कोतवाली पुलिस ने उनकी तलाश तेज कर दिया है।बताते चलें कि यह घटना बीते 16 नवंबर को देहात कोतवाली क्षेत्र के कोयली जंगल गांव में हुई थी।पूर्व फौजी आनंद यादव और उनके परिवार के सदस्य किशन लाल यादव व दशरथ लाल यादव पर धारदार हथियारों से हमला किया गया था,जिसमें आनंद यादव गंभीर रूप से घायल हो गये थे और उनका लगभग एक महीने तक लखनऊ में इलाज चला था।मामले में जिन तीनों आरोपियों को भगोड़ा घोषित किया गया है उनके नाम क्रमशः राजेश, अतुल और आलोक है।पुलिस इनकी गिरफ्तारी के लिए पिछले पांच महीने से लगातार छापेमारी कर रही है।आरोपियों के घरों पर डुग्गी मुनादी कराने के साथ साथ नोटिस भी चस्पा किये गये थे,परन्तु उन्होंने ना तो न्यायालय में और ना ही कोतवाली में आत्मसमर्पण किया।आरोपियों को न्यायालय द्वारा भगोड़ा घोषित किए जाने के बाद देहात कोतवाली पुलिस ने राजेश, अतुल व आलोक की तलाश और तेज कर दिया है।इन तीनों आरोपियों को पकड़ने के लिए कई पुलिस टीमों का गठन किया गया है,जो उनके रिश्तेदारों और परिचितों के ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही है।16 नवंबर को जब पूर्व फौजी आनंद यादव ड्यूटी पर जा रहे थे, तब उन्हें रास्ते में रोककर पुराने विवाद के चलते हमला किया गया था।इस हमले में भगवान शंकर, अंकुश,अतुल,आलोक,सत्यम,विजय और राकेश सहित अन्य आरोपी शामिल थे।उन पर बांके और अन्य धारदार हथियारों से हमला किया गया था।देहात कोतवाल शमशेर बहादुर सिंह ने बताया कि न्यायालय ने राजेश, अतुल और आलोक को भगोड़ा घोषित किया है।उनकी गिरफ्तारी के लिए निरन्तर प्रयास किया जा रहा है और न्यायालय के आदेश पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।वहीं पीड़ित आनंद यादव की पत्नी मंजू देवी ने देहात कोतवाली पुलिस पर आरोप लगाया है कि पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं कर रही है,जबकि वे खुलेआम घूम रहे हैं।
देवघर-के कांग्रेस नेता डॉ मुनम्म संजय को प्रदेश कांग्रेस कमेटी का महासचिव बनाया गया। कांग्रेस ने एक बड़ी जिम्मेदारी दी।
देवघर: कांग्रेस के जुझारू, बेबाक और जमीनी नेता डॉ. मुनम्म संजय का है—एक ऐसा नाम, जो संघर्ष की आग में तपकर राजनीति की असली पहचान बना है। आज जब उन्हें प्रदेश कांग्रेस कमेटी का महासचिव बनाया गया है, तो यह केवल एक पद नहीं, बल्कि वर्षों की तपस्या, त्याग और अडिग निष्ठा का सम्मान है। डॉ. संजय का राजनीतिक जीवन किसी आरामदायक रास्ते से नहीं, बल्कि संघर्षों के तूफान से होकर निकला है। छात्र जीवन से ही उन्होंने सत्ता के खिलाफ आवाज उठाई। देवघर का टावर चौक उनकी लड़ाइयों का साक्षी रहा है—जहां उन्होंने धरना दिया, अनशन किया, सड़कें जाम कीं, पुतला दहन किया और हर उस मुद्दे पर डटकर खड़े हुए, जहां आम जनता की आवाज दबाई जा रही थी। सैकड़ों बार गिरफ्तारियां झेलना उनके लिए डर का कारण नहीं, बल्कि संघर्ष का तमगा बन गया। सबसे बड़ी बात—जब कई लोग सत्ता के लालच में रास्ता बदल लेते हैं, तब डॉ. संजय ने कभी कांग्रेस का दामन नहीं छोड़ा। पार्टी के सबसे कठिन दौर में भी वे चट्टान की तरह डटे रहे। लेकिन डॉ. संजय ने अद्भुत धैर्य और साहस का परिचय दिया। उन्होंने साफ तौर पर ठान लिया कि किसी भी कीमत पर झुकना नहीं है—और अडिग होकर हर दबाव का मुकाबला किया। उन्होंने न कभी कांग्रेस से समझौता किया, न ही कांग्रेस की विचारधारा के साथ किसी प्रकार की सौदेबाजी की। गांधी परिवार के प्रति उनकी निष्ठा और कांग्रेस विचारधारा के प्रति उनका समर्पण कभी डगमगाया नहीं। यही कारण है कि पार्टी ने हर मोड़ पर उन पर भरोसा जताया। एनएसयूआई के जिला अध्यक्ष से लेकर युवा कांग्रेस के नेतृत्व तक, और फिर करीब 14-15 वर्षों तक देवघर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष के रूप में उन्होंने संगठन को जमीनी स्तर पर खड़ा किया। विरोध, साजिश और अंदरूनी खींचतान के बावजूद उन्होंने कभी हार नहीं मानी—बल्कि हर चुनौती को अपनी ताकत बना लिया। बीस सूत्री कार्यक्रम के जिला उपाध्यक्ष के रूप में उन्होंने जो काम किया, वह सिर्फ पद संभालना नहीं था, बल्कि व्यवस्था को आईना दिखाना था। उन्होंने यह साबित किया कि अगर नीयत साफ हो, तो सरकारी योजनाएं सिर्फ कागजों तक सीमित नहीं रहतीं, बल्कि गरीबों के घर तक पहुंचती हैं। उन्होंने प्रशासन को जवाबदेह बनाया, अधिकारियों को सक्रिय किया और आम जनता के हक के लिए लड़ाई लड़ी। डॉ. संजय की पहचान सिर्फ एक नेता की नहीं, बल्कि एक लड़ाकू सिपाही की है—जो हर वक्त जनता के बीच खड़ा रहता है। उनकी पकड़ प्रशासन पर भी रही है और जनता के दिलों पर भी। कई बार प्रशासन से टकराव हुआ, लेकिन हर बार उन्होंने अपने हक की लड़ाई को मजबूती से रखा और समाधान भी निकाला। उनका स्वभाव जितना सरल है, उनकी राजनीति उतनी ही धारदार। युवाओं में उनकी जबरदस्त पकड़ है—क्योंकि वे सिर्फ भाषण नहीं देते, बल्कि साथ लेकर चलते हैं। यही वजह है कि उनके साथ हमेशा युवाओं की एक मजबूत फौज खड़ी रहती है। पार्टी ने उन्हें कई जिलों में प्रभारी और ऑब्जर्वर बनाकर उनकी क्षमता का उपयोग किया है। अब प्रदेश महासचिव के रूप में यह देखना दिलचस्प होगा कि वे अपने अनुभव, संघर्ष और जमीनी समझ से संगठन को किस ऊंचाई तक ले जाते हैं। आज उनके इस नए दायित्व से कांग्रेस कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा, नया जोश और नई उम्मीद जगी है। आम कांग्रेसियों से लेकर बुद्धिजीवियों तक, हर कोई यह मान रहा है कि पार्टी ने इस बार एक ऐसे योद्धा को जिम्मेदारी दी है, जो सिर्फ कुर्सी नहीं, बल्कि विचार और संघर्ष की राजनीति को आगे बढ़ाएगा।
अवध विश्वविद्यालय की सम सेमेस्टर 2025-2026 की मुख्य परीक्षा आज से शुरू*
आज दिनांक 5 जुलाई 2026 से डॉ राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय अयोध्या की सम सेमेस्टर की मुख्य परीक्षा तीन पालियों में सम्पन्न हो रही है जिसमें प्रथम पाली 8:30 से 10:30 तक एम.ए./ एम.एस.सी./ एम.कॉम. चतुर्थ सेमेस्टर, द्वितीय पाली 11:30 से 01:30 तक बी.ए./बी.एस.सी/बी.कॉम चतुर्थ सेमेस्टर एवं तृतीय पाली 02:30 से 04:30 तक बी.ए षष्ठम सेमेस्टर की परीक्षाएं बहुत ही सुचिता पूर्ण रूप से नक़ल विहीन परीक्षा सम्पन्न कराने के लिए प्राचार्य/केन्द्राध्यक्ष प्रो.अंग्रेज सिंह ने आन्तरिक उड़ाका दल का गठन किया है, जिसके द्वारा मुख्य गेट पर ही सघन तलाशी लेने के बाद ही छात्र/छात्राएं परीक्षा कक्ष में प्रवेश दिया गया और साथ ही परीक्षा से संबंधित आवश्यक दिशा निर्देश देते हुए उसका पालन करने की सख्त हिदायत दी गई। इसके उपरान्त प्राचार्य के नेतृत्व में परीक्षा कक्ष में भी छात्र छात्राओं की तलाशी ली गई।

इस अवसर पर मुख्य रूप से प्रो.मो.शाहिद, प्रो.राजीव कुमार श्रीवास्तव, प्रो.नीलम त्रिपाठी,डॉ.सूर्य प्रकाश मिश्र,डॉ.अजय कुमार मिश्र, डॉ.आशीष द्विवेदी,डॉ.संध्या श्रीवास्तव, डॉ.विष्णु शंकर अग्रहरि एवं सहायक के रूप में लक्ष्मी शुक्ला,डॉ.कुंवर दिनकर प्रताप सिंह,नंदलाल,अंशू श्रीवास्तव, अरुण मिश्र आदि परीक्षा के समय उपस्थित रहे। प्रथम पाली में लगभग 400 , द्वितीय पाली में लगभग 350 तथा तृतीय पाली में केवल 32 छात्र/छात्राएँ परीक्षा में सम्मिलित हुए।
9 मई को पश्चिम बंगाल में शपथ ग्रहण, कौन होगा पहली बीजेपी सरकार का सीएम?

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पश्चिम बंगाल के विधानसभा चुनाव में प्रचंड जीत के बाद अब सभी की निगाहें राज्य में भाजपा के मुख्यमंत्री चेहरे और शपथ ग्रहण की तारीख पर टिक गई हैं। बंगाल में 206 सीटों पर प्रचंड जीत के बाद नए सीएम चुनने की तैयारी चल रही है। जानकारी के अनुसार, 9 मई को बंगाल में बीजेपी की पहली सरकार शपथ लेगी। कोलकाता के परेड ग्राउंड में शपथ ग्रहण संभव है।

भारतीय जनता पार्टी ने सोमवार को पश्चिम बंगाल में शानदार जीत दर्ज की। जिसके बाद बीजेपी ने नई सरकार के शपथ ग्रहण समारोह के लिए तारीख तय हो गई है। बंगाल भाजपा अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य ने कहा कि राज्य में भाजपा के पहले मुख्यमंत्री का शपथ ग्रहण समारोह 9 मई को आयोजित किया जाएगा।

राजनाथ सिंह जाएंगे कोलकाता

पश्चिम बंगाल में पहली बार बीजेपी इतनी बड़ी जीत के साथ उभरी है कि अब सबसे बड़ा सवाल मुख्यमंत्री के चेहरे को लेकर खड़ा हो गया है। क्या पार्टी अनुभवी नेता सुवेंदु अधिकारी को चुनेगी या नए चेहरे पर दांव लगाएगी? ऐसे में बुधवार को रक्षामंत्री राजनाथ सिंह कोलकाता आएंगे। वह यहां बीजेपी के जीते हुए विधायकों से बातचीत करेंगे जिसके बाद विधायक दल का नेता और बंगाल के नये मुख्यमंत्री के नाम का फैसला होगा।

सीएम की दौड़ में पहला नाम सुवेंदु अधिकारी का

मुख्यमंत्री की दौड़ में पहला नाम सुवेंदु अधिकारी का है। वह पिछले पांच सालों से राज्य में नेता विपक्ष की भूमिका निभा रहे थे। उन्होंने इन चुनावों में मौजूदा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को उनकी सीट भवानीपुर में शिकस्त दी है। ऐसे में दौड़ में सुवेंदु अधिकारी आगे माने जा रहे हैं। लेकिन अन्य राज्यों के रिकॉर्ड को देखें तो बीजेपी अभी तक चौंकाती आई है। अगर ऐसा होता है तो फिर कौन सीएम बन सकता है।

सुल्तानपुर के उभरते क्रिकेटर प्रवेश पाल का टी 20 मुंबई में चयन,अजिंक्य रहाणे की कप्तानी में खेलेंगे मुंबई*
सुल्तानपुर कटका खानपुर के निवासी प्रतिभाशाली क्रिकेटर प्रवेश पाल का प्रतिष्ठित टी-20 मुंबई टूर्नामेंट के लिए चयन हुआ है। यह उनके क्रिकेट करियर की एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है। पिछले सीजन में प्रवेश पाल ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 3 मैचों में 4 विकेट हासिल किए थे और उनकी इकॉनमी रेट 6 रही थी, जो उनकी सटीक और नियंत्रित गेंदबाजी को दर्शाती है। उनके लगातार प्रभावशाली प्रदर्शन ने चयनकर्ताओं का ध्यान आकर्षित किया।

प्रवेश पाल,दयाराम पाल के पुत्र हैं और उन्होंने सुल्तानपुर में कोच आसद अहमद के मार्गदर्शन में अपने क्रिकेट करियर की शुरुआत की। अपनी मेहनत, अनुशासन और समर्पण के दम पर उन्होंने यह मुकाम हासिल किया है। इस बार प्रवेश पाल अनुभवी क्रिकेटर अजिनक्या रहाणे की कप्तानी में खेलते नजर आएंगे, जो उनके लिए एक बड़ा अवसर माना जा रहा है। अपने चयन पर उन्होंने कोच, परिवार और समर्थकों का आभार व्यक्त किया और आगामी मुकाबलों में बेहतर प्रदर्शन का भरोसा जताया। जिला ओलंपिक अध्यक्ष / पूर्व मंत्री ओ पी सिंह, ओलंपिक संघ के सचिव पंकज दुबे ,उपाध्यक्ष डॉक्टर प्रवीण सिंह , राजेश कन्नौजिया ,संघ के संरक्षक भोला सिंह ,समाजसेवी मनीषा पांडे, प्रदीप सिंह, पवन सिंह फुटबॉल संघ के सचिव एम एस बेग, टेबल टेनिस संघ के सचिव मोहम्द सईद, कबड्डी संघ के सचिव महेश यादव, एथलेटिक संघ के अध्यक्ष राम लखन यादव, बॉक्सिंग संघ के सचिव विजय बॉक्सर हैंडबॉल संग के सचिव प्रवीण मिश्रा रष्ट्रीय खिलाड़ी कुमार मिश्र ,राकेश सिंह नवनीत सिंह, आदि लोगो ने दी बधाई। ओलंपिक संघ के प्रवक्ता डॉक्टर अब्दुल हमीद में बताया कि जनपद सुलतानपुर क्रिकेट के साथ-साथ सभी खेलों अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिभा देती रही है