Samarpit SPI: From College Dream to National Movement—Empowering India Through Service and Democracy

INDIA | April 25, 2026 — In an era where digital connectivity often replaces physical community action, Samarpit SPI (Social Progress Initiative) is bridging the gap. What started in 2020 as a modest pact between three college friends has officially matured into a registered NGO trust, mobilizing hundreds of volunteers to tackle India’s most pressing grassroots challenges through humanitarian aid and democratic education.

The Genesis: Small Steps, Massive Vision

The foundations of Samarpit SPI were laid in the rural heartlands of Bihar. Founders Shivam Parashar, Harshit Gupta, and Shami Ahmad recognized a recurring theme in their community: a disconnect between available rights and the citizens meant to exercise them. Driven by the belief that "real change begins with responsibility," the trio began conducting local awareness drives, a mission that resonated so deeply it quickly expanded from three friends to a core team of ten selfless advocates.

Proving Resilience During Global Crisis

The true mettle of Samarpit SPI was tested during the COVID-19 pandemic. While the world retreated, the organization stepped forward. By coordinating oxygen cylinder logistics, distributing life-saving medicines, and providing relief packages to vulnerable families, Samarpit SPI transitioned from a local initiative to a critical lifeline. This period of intense service solidified their reputation for "real solutions for real needs."

The Intellectual Evolution: Merging Sociology with Service

As the movement gained momentum, it attracted a new wave of intellectually driven youth, including several UPSC aspirants. A pivotal moment in the organization’s history was the addition of Kumari Prachi, a Master’s graduate in Sociology. Her academic expertise in governance and social structures provided the framework necessary to transition the group into a formal entity.

Under her guidance, the movement was officially registered as a Trust-based NGO in February 2026, ensuring the longevity and scalability of their impact.

A New Chapter: The 2026 Leadership Team

With its official registration, Samarpit SPI has introduced a dedicated Board of Trustees to oversee its national expansion:

President: Shivam Parashar

Vice President: Kumari Prachi

Secretary: Ritik Roshan

Treasurer: Satish Runi

Trustee: Advik Vivan

Program Directors Harshit Gupta & Shami Ahmad

Supported by 15 active leads and a network of over 300+ volunteers nationwide, this leadership team is prepared to take the "Samarpit" mission to every corner of India.

The Three Pillars of Progress

Samarpit SPI operates through a focused, three-pronged strategy designed to create holistic societal shifts:

1. Serving Humanity Beyond symbolic gestures, the organization conducts daily food distribution drives and maintains a rapid-response network for emergency welfare.

2. Empowering Communities By focusing on educational support and vocational skill awareness, they provide the tools necessary for long-term financial independence.

3. Strengthening Democracy Perhaps their most unique pillar, Samarpit SPI conducts civic awareness campaigns. These programs educate citizens on their constitutional rights and duties, fostering a more informed and active electorate.

 "Meaningful change does not require fame or fortune—only commitment, compassion, and collective action," says Shivam Parashar, Founder and President. "We are proving that when the youth take ownership of their democracy, the entire nation rises."

About Samarpit SPI

Samarpit SPI (Social Progress Initiative) is a registered non-profit organization dedicated to nation-building at the grassroots level. Based in New Delhi with deep roots in rural India, the NGO focuses on humanitarian aid, community upliftment, and civic education. By leveraging the energy of educated youth and volunteers, Samarpit SPI aims to build a stronger, more democratic India through direct action and social advocacy. For more information you can visit https://www.samarpitspi.com/

डोनाल्ड ट्रंप पर हमला, बाल-बाल बचे अमेरिकी राष्ट्रपति, वॉइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर में फायरिंग

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अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सुरक्षा में बड़ी चूक सामने आई है। वॉशिंगटन के हिल्टन होटल में शनिवार रात एक कार्यक्रम के दौरान अचानक गोलीबारी की घटना हुई, जिससे वहां हड़कंप मच गया। कार्यक्रम में जब गोली चली, उस समय अमेरिकी राष्ट्रपति और फर्स्ट लेडी मंच पर ही मौजूद थीं। गोली चलने की आवाज सुनकर कार्यक्रम स्थल पर अफरा-तफरी मच गई, जिसके बाद सीक्रेट सर्विस एजेंट्स ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को तुरंत वहां से निकाला।

CNN की रिपोर्ट के मुताबिक, जैसे ही गोलियों की आवाज सुरक्षा एजेंसियों ने सुनी, वैसे ही यूएस सीक्रेट सर्विट तुरंत एक्टिव हो गई। एजेंट्स ने तेज आवाज में अलर्ट देते हुए ट्रंप को स्टेज से हटाया और बाहर ले गए। उनके साथ उपराष्ट्रपति जेडी वेंस और कैबिनेट के अन्य सदस्य भी मौजूद थे, जिन्हें भी तुरंत सुरक्षित जगह पहुंचाया गया।

ट्रंप के साथ वेंस भी थे मौजूद

राजधानी वॉशिंगटन डीसी में व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर के दौरान गोलीबारी की घटना को अंजाम दिया गया। इस कार्यक्रम में ट्रंप के साथ उपराष्ट्रपति जेडी वेंस, रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ और विदेश मंत्री मार्को रुबियो भी मौजूद थे।

हमलावर पकड़ा गया

घटना के लगभग एक घंटे बाद डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर पोस्ट किया है जिसमें उन्होंने जानकारी दी है। ट्रंप ने बताया कि हमलावर को पकड़ लिया गया है और स्थिति से निपटने के लिए सीक्रेट सर्विस और कानून प्रवर्तन एजेंसियों की जमकर तारीफ की। ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर लिखा, 'वॉशिंगटन डीसी में आज क्या शाम रही। सीक्रेट सर्विस और कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने शानदार काम किया है।'

हमारे संविधान पर हुआ हमला- ट्रंप

ट्रंप ने कहा कि यह सब कुछ अचानक हुआ। एक आदमी कई हथियारों से लैस होकर सिक्योरिटी चेकपाइंट पर घुस गया। इस दौरान सीक्रेट सर्विस ने बहुत अच्छा काम किया और तेजी से एक्शन लेते हुए उसे पकड़ लिया। उन्होंने आगे कहा कि आदमी ने हमारे संविधान पर हमला किया है। 

एक अधिकारी को लगी गोली

गोलीबारी की घटना का जिक्र करते हुए ट्रंप ने कहा कि एक अधिकारी को लगी है, लेकिन वह बच गया, क्योंकि उसने एक बहुत अच्छी बुलेटप्रूफ जैकेट पहनी हुई थी। उसे बहुत करीब से बंदूक से गोली मारी गई और जैकेट ने अपना काम किया। वह बहुत अच्छा है। वह बहुत अच्छी स्थिति में है, उसका मनोबल बहुत ऊंचा है और हमने उससे कहा कि हम उससे प्यार करते हैं और उसका सम्मान करते हैं।

रूसी राष्ट्रपति पुतिन फिर आ रहे भारत, एक साल में दूसरा दौरा, ब्रिक्स समिट में करेंगे शिरकत

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रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन एक बार फिर से भारत का दौरा करेंगे। पुतिन इस साल ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए भारत आ रहे हैं। इससे पहले उन्होंने दिसंबर 2025 में भारत का दौरा किया था। ब्रिक्स शिखर सम्मेलन एक वार्षिक बैठक है, जिसमें ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका जैसे देशों के नेता शामिल होते हैं।

इस साल के अंत में होगा पुतिन का दौरा

रूस की समाचार एजेंसी टास ने बुधवार को क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव के हवाले से बताया कि रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन इस साल के अंत में भारत में होने वाले ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में निश्चित रूप से भाग लेंगे। अभी तक शिखर सम्मेलन की कोई आधिकारिक तारीख घोषित नहीं की गई है, लेकिन टास ने पहले भारतीय सरकार के एक सूत्र के हवाले से बताया था कि यह 12-13 सितंबर को होने वाला है।

ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की तारीखों की नहीं हुई घोषणा

हालांकि, भारत में होने वाले 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की निश्चित तारीख और शेड्यूल अभी तक तय नहीं किए गए हैं, लेकिन राष्ट्रपति पुतिन ने पहले ही भारत यात्रा करने की पुष्टि कर दी है। इस साल इस समिट की अध्यक्षता भारत के हाथों में है। भारत में होने वाले ब्रिक्स समिट ‘रिजिलिएंस, इनोवेशन, को-ऑपरेशन और सस्टेनेबिलिटी के निर्माण’ के विषय पर आधारित होगी। यह विषय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तरफ से 2025 के रियो शिखर सम्मेलन में पेश किए गए ‘पीपल-सेंट्रिक एंड ह्यूमनिटी-फर्स्ट’ के नजरिए को दर्शाता है।

क्या है ब्रिक्स ?

ब्रिक्स वर्तमान में 11 सदस्य देशों का एक प्रभावशाली अंतरराष्ट्रीय संगठन है। इसकी शुरुआत 2006 में चार देशों (ब्राजील, रूस, भारत और चीन) के साथ हुई थी, जिसे तब 'ब्रिक' (BRIC) कहा जाता था। लेकिन 2010 में इसमें दक्षिण अफ्रीका शामिल हो गया जिसके बाद इसे ब्रिक्स कहा जाने लगा। लेकिन अब कुछ और देशों को इससे जोड़ा गया है जिनमें मिश्र, इथियोपिया, ईरान, सऊदी अरब, यूएई और इंडोनेशिया शामिल हैं।

अयोध्या में राष्‍ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने की 'श्री राम यंत्र’ की स्थापना, वैदिक मंत्रोच्चार से गूंजा मंदिर प्रांगण

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अयोध्या में राम मंदिर में 'श्री राम यंत्र' की स्थापना हो गई है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मंदिर में 'श्री राम यंत्र' की स्थापना पूरे विधि विधान के साथ की। इस दौरान पुजारियों ने मंत्रोच्चारण किया और राष्ट्रपति पूजन ने सामग्री भगवान को अर्पण की। इस दौरान पूरा मंदिर प्रांगण शुभ मंत्रों से गूंज उठा।

वैदिक मंत्रों के बीच राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने राम मंदिर के द्वितीय तल पर श्रीराम यंत्र की पूजन के बाद स्थापना की। इस विशेष अनुष्ठान में राष्ट्रपति मूर्मू ने विधिवत पूजा-अर्चना कर सहभागिता की। वैदिक आचार्यों के निर्देशन में पूरे विधि-विधान के साथ पूजा संपन्न कराई गई। श्रीराम यंत्र को राम मंदिर के द्वितीय तल पर स्थापित किया गया है, जिसे अत्यंत शुभ और आध्यात्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इस अवसर पर पूरे अयोध्‍या में धार्मिक वातावरण में श्रद्धा और उत्साह का माहौल देखने को मिल रहा है और इसे भक्तों के लिए ऐतिहासिक क्षण के रूप में देखा जा रहा है।

2 साल पहले शंकराचार्य ने भेजा था श्रीराम यंत्र

श्रीराम यंत्र दो साल पहले जगद्गुरु शंकराचार्य विजयेंद्र सरस्वती महाराज ने अयोध्‍या भेजा था। वैदिक गणित और ज्यामितीय आकृतियों पर आधारित यह यंत्र देवताओं का निवास माना जाता है, जो सकारात्मक ऊर्जा आकर्षित करने की क्षमता रखता है। दक्षिण भारत, काशी, अयोध्या के आचार्यों की तरफ से मंदिर में श्रीराम यंत्र के लिए नौ दिवसीय वैदिक अनुष्ठान पहले से ही शुरू हो चुका था।

'श्री राम यंत्र' विजय और मर्यादा का प्रतीक

शास्त्रों के अनुसार, जिस प्रकार 'श्री यंत्र' को देवी लक्ष्मी का प्रतीक माना जाता है, उसी प्रकार 'श्री राम यंत्र' को भगवान विष्णु के अवतार प्रभु श्री राम की विजय और मर्यादा का प्रतीक माना जाता है। इसे विशेष धातुओं के मिश्रण और वैदिक गणनाओं के आधार पर निर्मित किया गया है। राम यंत्र को कांचीपुरम (तमिलनाडु) स्थित मठ में तैयार किया गया। इसके बाद इसे कांचीपुरम से तिरुपति (आंध्र प्रदेश) लाया गया। फिर रथयात्रा के जरिए 10 दिन पहले इसे अयोध्या पहुंचाया गया। राम यंत्र का वजन 150 किलो है। इस पर सोने की परत चढ़ाई गई है।

मंदिर निर्माण में योगदान देने वालों का सम्मान

राम जन्‍मभूमि परिसर में श्रीराम यंत्र स्थापना के अवसर पर राम मंदिर निर्माण में योगदान देने वाले श्रमिकों को सम्मानित किया गया। इस कार्यक्रम में उन सभी लोगों को आमंत्रित किया गया, जिन्होंने गिलहरी योगदान के रूप में मंदिर निर्माण में अपनी भूमिका निभाई। राम मंदिर ट्रस्ट द्वारा श्रमिकों के साथ-साथ कार्यदायी संस्थाओं के अधिकारियों को भी सम्मानित किया गया। सम्मानित हुए श्रमिकों ने ट्रस्ट के प्रति आभार जताते हुए इसे अपने जीवन का गौरवपूर्ण क्षण बताया।

अयोध्या में आज ऐतिहासिक अनुष्ठान, राम मंदिर में श्रीराम यंत्र की स्थापना करेंगी राष्ट्रपति मुर्मू

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श्रीराम जन्मभूमि मंदिर आज आस्था और इतिहास का संगम बनने जा रहा है। वर्ष प्रतिपदा के शुभ क्षण में बृहस्पतिवार को श्रीराम जन्मभूमि मंदिर एक नए इतिहास का साक्षी बनेगा। द्रौपदी मुर्मू यहां श्रीराम यंत्र की स्थापना कर एक नई परंपरा को आगे बढ़ाएंगी। इस पावन अवसर पर देशभर से आए हजारों श्रद्धालु और अतिथि इस दिव्य क्षण के साक्षी बनेंगे।

राष्ट्रपति करेंगी श्रीराम यंत्र की स्थापना

राष्ट्रपति मुर्मू सुबह लगभग 11 बजे महर्षि वाल्मीकि अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उतरेंगी, जहां से वे सड़क मार्ग द्वारा मंदिर परिसर पहुंचेंगी। अयोध्या में उनके चार घंटे के प्रवास के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। वे आद्य शंकराचार्य द्वार से मंदिर में प्रवेश कर सबसे पहले रामलला का आशीर्वाद लेंगी।श्री राम जन्मभूमि मंदिर में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू अभिजीत मुहूर्त में सुबह 11:55 बजे मंदिर के द्वितीय तल पर श्रीराम यंत्र की स्थापना। श्रीराम यंत्र स्थापना के बाद राष्ट्रपति प्रथम तल पर विराजमान राम परिवार का दर्शन-पूजन एवं आरती करेंगी।

देशभर से 7 हजार विशेष मेहमान शामिल होंगे

समारोह का साक्षी बनने के लिए करीब सात हजार मेहमान मौजूद रहेंगे। श्रीराम यंत्र पूजन के विशेष अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, राम मंदिर ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरि, सदस्य जगद्गुरु विश्व प्रसन्न तीर्थ और तीन आचार्य उपस्थित रहेंगे। केरल की धर्मगुरु माता अमृतानंदमयी और दत्तात्रेय होसबोले भी समारेाह में शामिल रहेंगे।

श्रीराम यंत्र की खासियत

श्रीराम यंत्र की खासियत मंदिर के दूसरे तल पर स्थापित होने वाला यह 'श्रीराम यंत्र' वैदिक गणित और ज्यामितीय पैटर्न पर आधारित है। राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय के अनुसार, यह पवित्र यंत्र दो वर्ष पूर्व एक भव्य शोभायात्रा के जरिए अयोध्या लाया गया था। मान्यता है कि यह यंत्र दिव्य ऊर्जाओं का केंद्र है और सकारात्मक आध्यात्मिक स्पंदन आकर्षित करता है। स्थापना के समय उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और राम मंदिर ट्रस्ट के प्रमुख सदस्य मौजूद रहेंगे।

13 जोन और 37 सेक्टर में बांटी गई सुरक्षा व्यवस्था

राष्ट्रपति के आगमन पर जिले की सुरक्षा व्यवस्था को 13 जोन और 37 सेक्टर में बांटी गई है। एसपी/एएसपी स्तर के अधिकारी को जोन व सीओ व निरीक्षकों को सेक्टरों का नोडल बनाया गया है। उच्चाधिकारी जोन और सेक्टरों की निगरानी कर रहे हैं। राम मंदिर में श्रीराम यंत्र की स्थापना के लिए बृहस्पतिवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का अयोध्या दौरा होना है। वह लगभग चार घंटे तक अयोध्या में मौजूद रहेंगी। इस दौरान पुलिस-प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। महर्षि वाल्मीकि एयरपोर्ट, उनकी फ्लीट के मार्ग, राम मंदिर परिसर, राम मंदिर में परकोटा, सभा स्थल, अतिथियों के आने के मार्ग, रूफटॉप, आंतरिक मार्गों के डायवर्जन की व्यवस्था, हनुमानगढ़ी मंदिर, हेलीपैड रामकथा पार्क व अयोध्या धाम की कानून व मार्ग व्यवस्था को अलग-अलग जोन में बांटा गया है।

तीन हजार सुरक्षाकर्मी तैनात

आयोजन को लेकर सभी जोन और सेक्टरों में सुरक्षाकर्मियों का जाल बिछाया गया है। सभी जगहों पर लगभग तीन हजार सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं। इनमें 18 एसपी/एएसपी, 33 सीओ, 130 निरीक्षक, 400 उप निरीक्षक, 50 महिला उपनिरीक्षक, 1800 आरक्षी व महिला आरक्षी, 90 यातायात पुलिस, 550 मुख्य आरक्षी और यातायात आरक्षी शामिल हैं।

Over 200 Exhibitors from 5 Countries to Showcase Latest Corrugation Technologies at Corru Pack Print India Expo 2026 in Mumbai

Industry Leaders, Live Working Machinery and Complete Corrugation Solutions to be on Display from March 19–22Mumbai: With just few days to go before the opening of Corru Pack Print India Expo 2026, the corrugated packaging industry is preparing for one of its largest gatherings, as over 200 exhibitors from more than 5 countries gear up to showcase the latest technologies and solutions in corrugated packaging machinery.

The four-day exhibition, organised by the Indian Paper Corrugated & Packaging Machinery Manufacturers Association (ICPMA) in collaboration with Futurex Group, will take place from 19 to 22 March 2026 at Hall 6, Bombay Exhibition Centre, Mumbai.

The expo is expected to bring together top international and Indian companies, industry leaders, technology providers, and packaging manufacturers, creating a dynamic platform for technology exchange, business networking, and industry collaboration.

A key highlight of the exhibition will be live working machinery demonstrations, allowing visitors to experience next-generation corrugated packaging equipment in operation. From high-speed box-making machines to advanced corrugated printing and converting technologies, the event will showcase innovations designed to improve efficiency, automation, and sustainability in packaging production.

Corru Pack Print India Expo will present complete corrugation solutions under one roof, covering the entire manufacturing ecosystem of the corrugated packaging industry. The exhibition floor will feature latest box-making technologies, advanced printing and lamination systems, converting equipment, testing instruments, inks, adhesives, kraft paper solutions, and other essential materials used in the packaging value chain.

India’s packaging industry, valued at USD 75 billion in FY20, is projected to grow at a CAGR of 18–20 percent, reaching approximately USD 250 billion by FY26. The corrugated packaging segment continues to play a crucial role in this expansion, driven by the rapid growth of e-commerce, logistics, FMCG, and manufacturing sectors.

The event is being organised under the leadership of ICPMA President Mr. Niket D Shah and the ICPMA exhibition committee members Mr. Hitesh Nagpal, Mr. Raunak Singh Bhurjee, Mr. Manish Suresh Shah, along with Futurex Group’s Director Mr. Namit Gupta, Managing Director Swami Prem Anveshi Ji, and Director Mrs. Nidhi Gupta.

Niket D Shah, President- ICPMA said,

"The success of our first edition showed the industry’s need for a focused platform. With Corru Pack Print India 2026, we’re tripling the scale, uniting machinery, raw materials, and boilers under one roof. This expo is not just an exhibition, but a catalyst for growth in India’s corrugated packaging industry.”

Namit Gupta, Director of Futurex Group, said,

"It’s a strategic confluence of innovation and business acumen. By bringing together industry leaders, we aim to create a fertile ground for meaningful collaborations, fostering technological advancements and driving the Corrugated Packaging Machinery Industry to new heights."

The inaugural edition of Corru Pack Print India held in Delhi in 2024 established the event as a significant platform for the corrugated packaging industry, bringing together suppliers, manufacturers, and decision-makers across the sector.

The upcoming Mumbai edition is expected to attract over 15,000 trade visitors, including plant heads, packaging technologists, procurement leaders, and industry experts from across India and international markets.

With hundreds of machines expected to run live on the exhibition floor, the expo will offer industry professionals a rare opportunity to see cutting-edge packaging technologies in action and explore solutions aimed at improving productivity, automation, and sustainability in corrugated packaging manufacturing.

Supported by industry bodies such as the Federation of Corrugated Box Manufacturers (FCBM) and the Indian Institute of Packaging, the event is also expected to serve as an important knowledge and networking hub for industry stakeholders.

As the countdown begins, Corru Pack Print India Expo 2026 is set to become a key meeting point for the global corrugated packaging machinery industry, bringing together innovation, technology, and business opportunities under one roof in Mumbai.

पश्चिम एशिया में जारी संकट के बीच पीएम मोदी ने ईरान के राष्ट्रपति से की बात, बोले- बातचीत से हो सामाधान

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पश्चिम एशिया में तनाव अपने चरम पर है। ईरान और इजरायल-अमेरिका के बीच जंग जारी हैं। ईरान जंग की वजह से पूरी दुनिया में खलबली है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के बंद होने से तेल संकट भी है। इस तनाव के बीच प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान से बातचीत की है।

मौजूदा हालात पर जताई चिंता

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ईरान के राष्ट्रपति डॉ. मसूद पेजेशकियन से फोन पर बातचीत की। दोनों नेताओं ने क्षेत्र में पैदा हुए गंभीर हालात और मौजूदा सुरक्षा स्थिति पर विस्तार से चर्चा की। पीएम मोदी ने बातचीत के दौरान क्षेत्र में तेजी से बढ़ते तनाव, आम नागरिकों की मौत और सिटीजन इंफ्रास्ट्रक्चर को हुए नुकसान पर गहरी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि मौजूदा स्थिति पूरे क्षेत्र की स्थिरता और शांति के लिए गंभीर चुनौती बन सकती है।

संवाद और कूटनीति से हल निकालने की अपील

पीएम मोदी ने बताया, 'भारतीय नागरिकों की सुरक्षा और ऊर्जा के निर्बाध परिवहन की आवश्यकता भारत की सर्वोच्च प्राथमिकता बनी हुई है। मैंने शांति और स्थिरता के प्रति भारत की प्रतिबद्धता को दोहराया और संवाद, कूटनीति का आग्रह किया।'

पश्चिम एशिया के कई देशों के नेताओं से की बात

पिछले दस दिनों के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने पश्चिम एशिया के कई देशों के नेताओं से भी बातचीत की है। ईरान पर अमेरिका और इजराइल की ओर से किए गए संयुक्त हमले के बाद से पश्चिम एशिया में संकट गहरा रहे संकट के बीच ये बातचीत हुई है। गौरतलब है कि इस हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई की मौत हो गई थी। इसके जवाब में ईरान ने ड्रोन और मिसाइल हमले करते हुए इस्राइल और खाड़ी क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाना शुरू कर दिया है। इन हमलों का असर दुबई और दोहा जैसे वैश्विक व्यापार और विमानन केंद्रों के आसपास भी देखा गया है।

पश्चिम एशिया में तनाव के बीच पीएम मोदी ने यूएई के राष्ट्रपति और इजराइली पीएम को लगाया फोन, जानें क्या हुई बात?

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इजराइल-अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध के कारण मिडिल ईस्ट में तनाव चरम पर है। इजराइल-अमेरिका का बदला लेने के लिए कुवैत, सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात यानी यूएई, बहरीन, कतर पर ईरान ताबड़तोड़ हमले कर रहा है। इसी बीच में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूएई के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान और फिर इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से फोन पर बातचीत की। इस बात की जानकारी खुद पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर दी।

लड़ाई जल्द खत्म करने की जरूरत पर जोर

प्रधानमंत्री ने अपने पोस्ट में लिखा कि अभी के इलाके के हालात पर बात करने के लिए पीएम बेंजामिन नेतन्याहू से फोन पर बात हुई। हाल के घटनाक्रम पर भारत की चिंताएं बताईं और आम लोगों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी। भारत लड़ाई जल्द खत्म करने की जरूरत पर फिर से जोर देता है।

यूएई के राष्ट्रपति से की बातचीत

पीएम मोदी ने अपने एक पोस्ट में संयुक्त अरब अमीरात का भी जिक्र किया। पीएम मोदी ने कहा कि यूनाइटेड अरब अमीरात के प्रेसिडेंट शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से बात की और यूएई पर हाल ही में हुए हमलों की कड़ी निंदा की। बातचीत में जानमाल के नुकसान पर दुख जताया। उन्होंने कहा कि भारत इस कठिन समय में यूएई के साथ मजबूती से खड़ा है।

ईरान ने यूएई पर भी किए हमले

बता दें कि ईरान और इजरायल के अटैक के बीच ईरान ने मिडिल ईस्ट खासकर यूएई में भी हमले किए। दुब के लग्जरी होटल बुर्ज अल अरब पर भी अटैक हुआ था, जिसके बाद बिल्डिंग से आग की लपटें उठती दिखी थीं। इसके अलावा ईरान ने द पाम होटल और इंटरनेशनल एयरपोर्ट को भी निशाना बनाया। दुबई के मीडिया ऑफिस ने एक्स पर लिखा कि दुबई इंटरनेशनल के एक कॉन्कोर्स को एक घटना में मामूली नुकसान हुआ, जिस पर जल्दी से काबू कर लिया गया। बताया गया कि घटना में 4 लोग घायल हुए। बता दें कि दुबई मिडिल ईस्ट का सबसे बड़ा टूरिज्म और ट्रेड हब है और इसका एयरपोर्ट दुनिया के सबसे बिजी ट्रैवल हब में से एक

मिडिल ईस्ट बिगड़ते हालात

दरअसल, मिडिल ईस्ट में हालात तब और बिगड़ गए, जब अमेरिका और इजरायल ने एक साथ मिलकर ईरान को निशाना बनाया। इसमें ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामनेई की मौत हो गई है। इसके अलावा कई अन्य नेताओं की भी मारे जाने की खबर है। जिसमें डिफेंस मिनिस्टर तक शामिल हैं। इसके बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए इजरायल और खाड़ी क्षेत्र के कुछ अन्य देशों की ओर मिसाइलें दागीं है। ईरान की इस कार्रवाई के बाद पूरे खाड़ी क्षेत्र में बड़े युद्ध की आशंका बढ़ गई है।

AI समिट शर्टलेस प्रोटेस्ट केस में कांग्रेस यूथ प्रेसिडेंट उदय भानु चिब को बड़ी राहत, कोर्ट ने दी जमानत

#youthcongresspresidentudaybhanuchibgranted_bail

एआई इम्पैक्ट समिट में के दौरान भारत मंडपम में हुए 'शर्टलेस' विरोध प्रदर्शन मामले में इंडिया यूथ कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब को बड़ी राहत मिली है। दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट के ड्यूटी मजिस्ट्रेट ने उदय को आज सुबह जमानत दे दी है।

रिमांड बढ़ाने की अर्जी खारिज

देर रात सुनवाई के बाद कोर्ट ने पुलिस की 7 दिन की रिमांड बढ़ाने की अर्जी खारिज कर दी, क्योंकि उदय के खिलाफ ठोस सबूत नहीं मिले। उदय को पटियाला हाउस कोर्ट के ड्यूटी मजिस्ट्रेट से जमानत तो मिल गई है, लेकिन इसके लिए उदय को कुछ शर्तें माननी पड़ेंगी। जमानत शर्तों में 50 हजार रुपये के पर्सनल बॉन्ड का भुगतान ज़रूरी है। इसके साथ ही उदय को कोर्ट में अपने पासपोर्ट और इलेक्ट्रॉनिक डिवासेज़ भी सरेंडर करने होंगे।

रिमांड बढ़ाने की मांग

इससे पहले चिब के वकील एडवोकेट सुलेमान मोहम्मद खान ने बताया कि 'दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच ने उदय भानु की पुलिस कस्टडी बढ़ाने के लिए एक एप्लीकेशन दी है। उन्होंने रिमांड को 7 दिन बढ़ाने की मांग की है, और एक आरोपी की पांच दिन और दूसरे की दो दिन की रिमांड के लिए दो एप्लीकेशन भी दी हैं।

क्या है मामला?

दिल्ली पुलिस ने एआई इम्पैक्ट समिट में भारतीय युवा कांग्रेस के सदस्यों के एक गुट की ओर से कमीज उतारकर किए गए विरोध प्रदर्शन के संबंध में संगठन के अध्यक्ष उदय भानु चिब को ‘मुख्य साजिशकर्ता’ करार देते हुए गिरफ्तार किया था। एआई इम्पैक्ट समिट के दौरान 20 फरवरी को यूथ कांग्रेस ने 'शर्टलेस' विरोध प्रदर्शन किया था। पुलिस ने उदय के साथ कृष्ण हरि, कुन्दन यादव, नरसिम्हा यादव, अजय कुमार यादव और कुछ अन्य यूथ कांग्रेस सदस्यों को गिरफ्तार किया था और उदय को मुख्य साजिशकर्ता बताया था।

मुझे अपने बब्बर शेर पर गर्व', शर्टलेस प्रदर्शन के बाद यूथ कांग्रेस चीफ उदय भानु की गिरफ्तारी पर बोले राहुल*

#rahulgandhitargetedcentralgovtoverarrestyouthcongpresidentuday_bhanu

इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 के दौरान भारत मंडपम में प्रोटेस्ट के मामले में इंडियन यूथ कांग्रेस के नेशनल प्रेसिडेंट उदय भानु चिब को गिरफ्तार किया गया है। कोर्ट ने दिल्ली पुलिस को चिब की 4 दिन की रिमांड को भी मंजूरी दे दी है। उदय भानु चिब की गिरफ्तारी के बाद कांग्रेस लीडर और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने उनके समर्थन में पोस्ट शेयर किया है और केंद्र सरकार की आलोचना की है।

कांग्रेस नेतृत्व कर रहा बचाव

एआई इम्पैक्ट समिट में यूथ कांग्रेस द्वारा किए गए शर्टलेस विरोध प्रदर्शन को बीजेपी ने इसे वैश्विक मंच पर भारत की छवि को धूमिल करने का एक शर्मनाक कृत्य बताया, जबकि यूथ कांग्रेस के इस प्रदर्शन का कांग्रेस लगातार बचाव कर रही है। राहुल गांधी समेत अन्य कांग्रेसी नेताओं ने केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल उठाया है।

अपने बब्बर शेर साथियों पर गर्व-राहुल गांधी

लोकसभा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि शांतिपूर्ण विरोध हमारी ऐतिहासिक धरोहर है। यह हमारे खून में है और हर भारतीय का लोकतांत्रिक अधिकार है। राहुल ने पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि मुझे युवा कांग्रेस के अपने बब्बर शेर साथियों पर गर्व है, जिन्होंने COMPROMISED PM के खिलाफ निडर होकर देश के हित में आवाज उठाई है।

खरगे ने सरकार पर बोला हमला

कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी अपने एक्स पोस्ट में युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं पर हुई कार्रवाई पर सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि युवा आज नौकरी के लिए तड़प रहे हैं। देश का माहौल खराब हो चुका है। पीएम मोदी के प्रति लोगों ने भारी रोष है। पीएम ने अमेरिका के सामने भी घुटने टेकते हुए सारी शर्तों को मान लिया, जिससे पूरा देश शर्मिंदा है। हकीकत में ट्रंप हमें गुलाम बना रहा है और बंधुआ मजदूर बनाने की दिशा में धकेला जा रहा है। यह काम मोदी कर रहे हैं।

क्या है पूरा मामला?

यह मामला उस समय चर्चा में आया जब युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने एआई समिट के दौरान बिना शर्ट पहने विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार की नीतियों, बढ़ती बेरोजगारी और एआई से जुड़े मुद्दों को लेकर नारेबाजी की। इस मामले में भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष भानु चिब के साथ कुल आठ लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इससे पहले सोमवार को आरोपियों जितेंद्र यादव, राजा गुर्जर व अजय कुमार को ग्वालियर को गिरफ्तार किया गया था। गिरफ्तारियों में बिहार के कुंदन यादव, कृष्णा हरि, उत्तर प्रदेश के अजय कुमार और तेलंगाना के नरसिम्हा यादव शामिल बताए गए हैं।

Samarpit SPI: From College Dream to National Movement—Empowering India Through Service and Democracy

INDIA | April 25, 2026 — In an era where digital connectivity often replaces physical community action, Samarpit SPI (Social Progress Initiative) is bridging the gap. What started in 2020 as a modest pact between three college friends has officially matured into a registered NGO trust, mobilizing hundreds of volunteers to tackle India’s most pressing grassroots challenges through humanitarian aid and democratic education.

The Genesis: Small Steps, Massive Vision

The foundations of Samarpit SPI were laid in the rural heartlands of Bihar. Founders Shivam Parashar, Harshit Gupta, and Shami Ahmad recognized a recurring theme in their community: a disconnect between available rights and the citizens meant to exercise them. Driven by the belief that "real change begins with responsibility," the trio began conducting local awareness drives, a mission that resonated so deeply it quickly expanded from three friends to a core team of ten selfless advocates.

Proving Resilience During Global Crisis

The true mettle of Samarpit SPI was tested during the COVID-19 pandemic. While the world retreated, the organization stepped forward. By coordinating oxygen cylinder logistics, distributing life-saving medicines, and providing relief packages to vulnerable families, Samarpit SPI transitioned from a local initiative to a critical lifeline. This period of intense service solidified their reputation for "real solutions for real needs."

The Intellectual Evolution: Merging Sociology with Service

As the movement gained momentum, it attracted a new wave of intellectually driven youth, including several UPSC aspirants. A pivotal moment in the organization’s history was the addition of Kumari Prachi, a Master’s graduate in Sociology. Her academic expertise in governance and social structures provided the framework necessary to transition the group into a formal entity.

Under her guidance, the movement was officially registered as a Trust-based NGO in February 2026, ensuring the longevity and scalability of their impact.

A New Chapter: The 2026 Leadership Team

With its official registration, Samarpit SPI has introduced a dedicated Board of Trustees to oversee its national expansion:

President: Shivam Parashar

Vice President: Kumari Prachi

Secretary: Ritik Roshan

Treasurer: Satish Runi

Trustee: Advik Vivan

Program Directors Harshit Gupta & Shami Ahmad

Supported by 15 active leads and a network of over 300+ volunteers nationwide, this leadership team is prepared to take the "Samarpit" mission to every corner of India.

The Three Pillars of Progress

Samarpit SPI operates through a focused, three-pronged strategy designed to create holistic societal shifts:

1. Serving Humanity Beyond symbolic gestures, the organization conducts daily food distribution drives and maintains a rapid-response network for emergency welfare.

2. Empowering Communities By focusing on educational support and vocational skill awareness, they provide the tools necessary for long-term financial independence.

3. Strengthening Democracy Perhaps their most unique pillar, Samarpit SPI conducts civic awareness campaigns. These programs educate citizens on their constitutional rights and duties, fostering a more informed and active electorate.

 "Meaningful change does not require fame or fortune—only commitment, compassion, and collective action," says Shivam Parashar, Founder and President. "We are proving that when the youth take ownership of their democracy, the entire nation rises."

About Samarpit SPI

Samarpit SPI (Social Progress Initiative) is a registered non-profit organization dedicated to nation-building at the grassroots level. Based in New Delhi with deep roots in rural India, the NGO focuses on humanitarian aid, community upliftment, and civic education. By leveraging the energy of educated youth and volunteers, Samarpit SPI aims to build a stronger, more democratic India through direct action and social advocacy. For more information you can visit https://www.samarpitspi.com/

डोनाल्ड ट्रंप पर हमला, बाल-बाल बचे अमेरिकी राष्ट्रपति, वॉइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर में फायरिंग

#donaldtrumpsecuritylapsefearofgunfireduringdinneruspresident 

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सुरक्षा में बड़ी चूक सामने आई है। वॉशिंगटन के हिल्टन होटल में शनिवार रात एक कार्यक्रम के दौरान अचानक गोलीबारी की घटना हुई, जिससे वहां हड़कंप मच गया। कार्यक्रम में जब गोली चली, उस समय अमेरिकी राष्ट्रपति और फर्स्ट लेडी मंच पर ही मौजूद थीं। गोली चलने की आवाज सुनकर कार्यक्रम स्थल पर अफरा-तफरी मच गई, जिसके बाद सीक्रेट सर्विस एजेंट्स ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को तुरंत वहां से निकाला।

CNN की रिपोर्ट के मुताबिक, जैसे ही गोलियों की आवाज सुरक्षा एजेंसियों ने सुनी, वैसे ही यूएस सीक्रेट सर्विट तुरंत एक्टिव हो गई। एजेंट्स ने तेज आवाज में अलर्ट देते हुए ट्रंप को स्टेज से हटाया और बाहर ले गए। उनके साथ उपराष्ट्रपति जेडी वेंस और कैबिनेट के अन्य सदस्य भी मौजूद थे, जिन्हें भी तुरंत सुरक्षित जगह पहुंचाया गया।

ट्रंप के साथ वेंस भी थे मौजूद

राजधानी वॉशिंगटन डीसी में व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर के दौरान गोलीबारी की घटना को अंजाम दिया गया। इस कार्यक्रम में ट्रंप के साथ उपराष्ट्रपति जेडी वेंस, रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ और विदेश मंत्री मार्को रुबियो भी मौजूद थे।

हमलावर पकड़ा गया

घटना के लगभग एक घंटे बाद डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर पोस्ट किया है जिसमें उन्होंने जानकारी दी है। ट्रंप ने बताया कि हमलावर को पकड़ लिया गया है और स्थिति से निपटने के लिए सीक्रेट सर्विस और कानून प्रवर्तन एजेंसियों की जमकर तारीफ की। ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर लिखा, 'वॉशिंगटन डीसी में आज क्या शाम रही। सीक्रेट सर्विस और कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने शानदार काम किया है।'

हमारे संविधान पर हुआ हमला- ट्रंप

ट्रंप ने कहा कि यह सब कुछ अचानक हुआ। एक आदमी कई हथियारों से लैस होकर सिक्योरिटी चेकपाइंट पर घुस गया। इस दौरान सीक्रेट सर्विस ने बहुत अच्छा काम किया और तेजी से एक्शन लेते हुए उसे पकड़ लिया। उन्होंने आगे कहा कि आदमी ने हमारे संविधान पर हमला किया है। 

एक अधिकारी को लगी गोली

गोलीबारी की घटना का जिक्र करते हुए ट्रंप ने कहा कि एक अधिकारी को लगी है, लेकिन वह बच गया, क्योंकि उसने एक बहुत अच्छी बुलेटप्रूफ जैकेट पहनी हुई थी। उसे बहुत करीब से बंदूक से गोली मारी गई और जैकेट ने अपना काम किया। वह बहुत अच्छा है। वह बहुत अच्छी स्थिति में है, उसका मनोबल बहुत ऊंचा है और हमने उससे कहा कि हम उससे प्यार करते हैं और उसका सम्मान करते हैं।

रूसी राष्ट्रपति पुतिन फिर आ रहे भारत, एक साल में दूसरा दौरा, ब्रिक्स समिट में करेंगे शिरकत

#russianpresidentvladimirputinvisittoindia

रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन एक बार फिर से भारत का दौरा करेंगे। पुतिन इस साल ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए भारत आ रहे हैं। इससे पहले उन्होंने दिसंबर 2025 में भारत का दौरा किया था। ब्रिक्स शिखर सम्मेलन एक वार्षिक बैठक है, जिसमें ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका जैसे देशों के नेता शामिल होते हैं।

इस साल के अंत में होगा पुतिन का दौरा

रूस की समाचार एजेंसी टास ने बुधवार को क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव के हवाले से बताया कि रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन इस साल के अंत में भारत में होने वाले ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में निश्चित रूप से भाग लेंगे। अभी तक शिखर सम्मेलन की कोई आधिकारिक तारीख घोषित नहीं की गई है, लेकिन टास ने पहले भारतीय सरकार के एक सूत्र के हवाले से बताया था कि यह 12-13 सितंबर को होने वाला है।

ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की तारीखों की नहीं हुई घोषणा

हालांकि, भारत में होने वाले 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की निश्चित तारीख और शेड्यूल अभी तक तय नहीं किए गए हैं, लेकिन राष्ट्रपति पुतिन ने पहले ही भारत यात्रा करने की पुष्टि कर दी है। इस साल इस समिट की अध्यक्षता भारत के हाथों में है। भारत में होने वाले ब्रिक्स समिट ‘रिजिलिएंस, इनोवेशन, को-ऑपरेशन और सस्टेनेबिलिटी के निर्माण’ के विषय पर आधारित होगी। यह विषय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तरफ से 2025 के रियो शिखर सम्मेलन में पेश किए गए ‘पीपल-सेंट्रिक एंड ह्यूमनिटी-फर्स्ट’ के नजरिए को दर्शाता है।

क्या है ब्रिक्स ?

ब्रिक्स वर्तमान में 11 सदस्य देशों का एक प्रभावशाली अंतरराष्ट्रीय संगठन है। इसकी शुरुआत 2006 में चार देशों (ब्राजील, रूस, भारत और चीन) के साथ हुई थी, जिसे तब 'ब्रिक' (BRIC) कहा जाता था। लेकिन 2010 में इसमें दक्षिण अफ्रीका शामिल हो गया जिसके बाद इसे ब्रिक्स कहा जाने लगा। लेकिन अब कुछ और देशों को इससे जोड़ा गया है जिनमें मिश्र, इथियोपिया, ईरान, सऊदी अरब, यूएई और इंडोनेशिया शामिल हैं।

अयोध्या में राष्‍ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने की 'श्री राम यंत्र’ की स्थापना, वैदिक मंत्रोच्चार से गूंजा मंदिर प्रांगण

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अयोध्या में राम मंदिर में 'श्री राम यंत्र' की स्थापना हो गई है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मंदिर में 'श्री राम यंत्र' की स्थापना पूरे विधि विधान के साथ की। इस दौरान पुजारियों ने मंत्रोच्चारण किया और राष्ट्रपति पूजन ने सामग्री भगवान को अर्पण की। इस दौरान पूरा मंदिर प्रांगण शुभ मंत्रों से गूंज उठा।

वैदिक मंत्रों के बीच राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने राम मंदिर के द्वितीय तल पर श्रीराम यंत्र की पूजन के बाद स्थापना की। इस विशेष अनुष्ठान में राष्ट्रपति मूर्मू ने विधिवत पूजा-अर्चना कर सहभागिता की। वैदिक आचार्यों के निर्देशन में पूरे विधि-विधान के साथ पूजा संपन्न कराई गई। श्रीराम यंत्र को राम मंदिर के द्वितीय तल पर स्थापित किया गया है, जिसे अत्यंत शुभ और आध्यात्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इस अवसर पर पूरे अयोध्‍या में धार्मिक वातावरण में श्रद्धा और उत्साह का माहौल देखने को मिल रहा है और इसे भक्तों के लिए ऐतिहासिक क्षण के रूप में देखा जा रहा है।

2 साल पहले शंकराचार्य ने भेजा था श्रीराम यंत्र

श्रीराम यंत्र दो साल पहले जगद्गुरु शंकराचार्य विजयेंद्र सरस्वती महाराज ने अयोध्‍या भेजा था। वैदिक गणित और ज्यामितीय आकृतियों पर आधारित यह यंत्र देवताओं का निवास माना जाता है, जो सकारात्मक ऊर्जा आकर्षित करने की क्षमता रखता है। दक्षिण भारत, काशी, अयोध्या के आचार्यों की तरफ से मंदिर में श्रीराम यंत्र के लिए नौ दिवसीय वैदिक अनुष्ठान पहले से ही शुरू हो चुका था।

'श्री राम यंत्र' विजय और मर्यादा का प्रतीक

शास्त्रों के अनुसार, जिस प्रकार 'श्री यंत्र' को देवी लक्ष्मी का प्रतीक माना जाता है, उसी प्रकार 'श्री राम यंत्र' को भगवान विष्णु के अवतार प्रभु श्री राम की विजय और मर्यादा का प्रतीक माना जाता है। इसे विशेष धातुओं के मिश्रण और वैदिक गणनाओं के आधार पर निर्मित किया गया है। राम यंत्र को कांचीपुरम (तमिलनाडु) स्थित मठ में तैयार किया गया। इसके बाद इसे कांचीपुरम से तिरुपति (आंध्र प्रदेश) लाया गया। फिर रथयात्रा के जरिए 10 दिन पहले इसे अयोध्या पहुंचाया गया। राम यंत्र का वजन 150 किलो है। इस पर सोने की परत चढ़ाई गई है।

मंदिर निर्माण में योगदान देने वालों का सम्मान

राम जन्‍मभूमि परिसर में श्रीराम यंत्र स्थापना के अवसर पर राम मंदिर निर्माण में योगदान देने वाले श्रमिकों को सम्मानित किया गया। इस कार्यक्रम में उन सभी लोगों को आमंत्रित किया गया, जिन्होंने गिलहरी योगदान के रूप में मंदिर निर्माण में अपनी भूमिका निभाई। राम मंदिर ट्रस्ट द्वारा श्रमिकों के साथ-साथ कार्यदायी संस्थाओं के अधिकारियों को भी सम्मानित किया गया। सम्मानित हुए श्रमिकों ने ट्रस्ट के प्रति आभार जताते हुए इसे अपने जीवन का गौरवपूर्ण क्षण बताया।

अयोध्या में आज ऐतिहासिक अनुष्ठान, राम मंदिर में श्रीराम यंत्र की स्थापना करेंगी राष्ट्रपति मुर्मू

#ayodhyathepresidentwillcreatehistorybyinstallingtheramyantra

श्रीराम जन्मभूमि मंदिर आज आस्था और इतिहास का संगम बनने जा रहा है। वर्ष प्रतिपदा के शुभ क्षण में बृहस्पतिवार को श्रीराम जन्मभूमि मंदिर एक नए इतिहास का साक्षी बनेगा। द्रौपदी मुर्मू यहां श्रीराम यंत्र की स्थापना कर एक नई परंपरा को आगे बढ़ाएंगी। इस पावन अवसर पर देशभर से आए हजारों श्रद्धालु और अतिथि इस दिव्य क्षण के साक्षी बनेंगे।

राष्ट्रपति करेंगी श्रीराम यंत्र की स्थापना

राष्ट्रपति मुर्मू सुबह लगभग 11 बजे महर्षि वाल्मीकि अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उतरेंगी, जहां से वे सड़क मार्ग द्वारा मंदिर परिसर पहुंचेंगी। अयोध्या में उनके चार घंटे के प्रवास के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। वे आद्य शंकराचार्य द्वार से मंदिर में प्रवेश कर सबसे पहले रामलला का आशीर्वाद लेंगी।श्री राम जन्मभूमि मंदिर में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू अभिजीत मुहूर्त में सुबह 11:55 बजे मंदिर के द्वितीय तल पर श्रीराम यंत्र की स्थापना। श्रीराम यंत्र स्थापना के बाद राष्ट्रपति प्रथम तल पर विराजमान राम परिवार का दर्शन-पूजन एवं आरती करेंगी।

देशभर से 7 हजार विशेष मेहमान शामिल होंगे

समारोह का साक्षी बनने के लिए करीब सात हजार मेहमान मौजूद रहेंगे। श्रीराम यंत्र पूजन के विशेष अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, राम मंदिर ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरि, सदस्य जगद्गुरु विश्व प्रसन्न तीर्थ और तीन आचार्य उपस्थित रहेंगे। केरल की धर्मगुरु माता अमृतानंदमयी और दत्तात्रेय होसबोले भी समारेाह में शामिल रहेंगे।

श्रीराम यंत्र की खासियत

श्रीराम यंत्र की खासियत मंदिर के दूसरे तल पर स्थापित होने वाला यह 'श्रीराम यंत्र' वैदिक गणित और ज्यामितीय पैटर्न पर आधारित है। राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय के अनुसार, यह पवित्र यंत्र दो वर्ष पूर्व एक भव्य शोभायात्रा के जरिए अयोध्या लाया गया था। मान्यता है कि यह यंत्र दिव्य ऊर्जाओं का केंद्र है और सकारात्मक आध्यात्मिक स्पंदन आकर्षित करता है। स्थापना के समय उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और राम मंदिर ट्रस्ट के प्रमुख सदस्य मौजूद रहेंगे।

13 जोन और 37 सेक्टर में बांटी गई सुरक्षा व्यवस्था

राष्ट्रपति के आगमन पर जिले की सुरक्षा व्यवस्था को 13 जोन और 37 सेक्टर में बांटी गई है। एसपी/एएसपी स्तर के अधिकारी को जोन व सीओ व निरीक्षकों को सेक्टरों का नोडल बनाया गया है। उच्चाधिकारी जोन और सेक्टरों की निगरानी कर रहे हैं। राम मंदिर में श्रीराम यंत्र की स्थापना के लिए बृहस्पतिवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का अयोध्या दौरा होना है। वह लगभग चार घंटे तक अयोध्या में मौजूद रहेंगी। इस दौरान पुलिस-प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। महर्षि वाल्मीकि एयरपोर्ट, उनकी फ्लीट के मार्ग, राम मंदिर परिसर, राम मंदिर में परकोटा, सभा स्थल, अतिथियों के आने के मार्ग, रूफटॉप, आंतरिक मार्गों के डायवर्जन की व्यवस्था, हनुमानगढ़ी मंदिर, हेलीपैड रामकथा पार्क व अयोध्या धाम की कानून व मार्ग व्यवस्था को अलग-अलग जोन में बांटा गया है।

तीन हजार सुरक्षाकर्मी तैनात

आयोजन को लेकर सभी जोन और सेक्टरों में सुरक्षाकर्मियों का जाल बिछाया गया है। सभी जगहों पर लगभग तीन हजार सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं। इनमें 18 एसपी/एएसपी, 33 सीओ, 130 निरीक्षक, 400 उप निरीक्षक, 50 महिला उपनिरीक्षक, 1800 आरक्षी व महिला आरक्षी, 90 यातायात पुलिस, 550 मुख्य आरक्षी और यातायात आरक्षी शामिल हैं।

Over 200 Exhibitors from 5 Countries to Showcase Latest Corrugation Technologies at Corru Pack Print India Expo 2026 in Mumbai

Industry Leaders, Live Working Machinery and Complete Corrugation Solutions to be on Display from March 19–22Mumbai: With just few days to go before the opening of Corru Pack Print India Expo 2026, the corrugated packaging industry is preparing for one of its largest gatherings, as over 200 exhibitors from more than 5 countries gear up to showcase the latest technologies and solutions in corrugated packaging machinery.

The four-day exhibition, organised by the Indian Paper Corrugated & Packaging Machinery Manufacturers Association (ICPMA) in collaboration with Futurex Group, will take place from 19 to 22 March 2026 at Hall 6, Bombay Exhibition Centre, Mumbai.

The expo is expected to bring together top international and Indian companies, industry leaders, technology providers, and packaging manufacturers, creating a dynamic platform for technology exchange, business networking, and industry collaboration.

A key highlight of the exhibition will be live working machinery demonstrations, allowing visitors to experience next-generation corrugated packaging equipment in operation. From high-speed box-making machines to advanced corrugated printing and converting technologies, the event will showcase innovations designed to improve efficiency, automation, and sustainability in packaging production.

Corru Pack Print India Expo will present complete corrugation solutions under one roof, covering the entire manufacturing ecosystem of the corrugated packaging industry. The exhibition floor will feature latest box-making technologies, advanced printing and lamination systems, converting equipment, testing instruments, inks, adhesives, kraft paper solutions, and other essential materials used in the packaging value chain.

India’s packaging industry, valued at USD 75 billion in FY20, is projected to grow at a CAGR of 18–20 percent, reaching approximately USD 250 billion by FY26. The corrugated packaging segment continues to play a crucial role in this expansion, driven by the rapid growth of e-commerce, logistics, FMCG, and manufacturing sectors.

The event is being organised under the leadership of ICPMA President Mr. Niket D Shah and the ICPMA exhibition committee members Mr. Hitesh Nagpal, Mr. Raunak Singh Bhurjee, Mr. Manish Suresh Shah, along with Futurex Group’s Director Mr. Namit Gupta, Managing Director Swami Prem Anveshi Ji, and Director Mrs. Nidhi Gupta.

Niket D Shah, President- ICPMA said,

"The success of our first edition showed the industry’s need for a focused platform. With Corru Pack Print India 2026, we’re tripling the scale, uniting machinery, raw materials, and boilers under one roof. This expo is not just an exhibition, but a catalyst for growth in India’s corrugated packaging industry.”

Namit Gupta, Director of Futurex Group, said,

"It’s a strategic confluence of innovation and business acumen. By bringing together industry leaders, we aim to create a fertile ground for meaningful collaborations, fostering technological advancements and driving the Corrugated Packaging Machinery Industry to new heights."

The inaugural edition of Corru Pack Print India held in Delhi in 2024 established the event as a significant platform for the corrugated packaging industry, bringing together suppliers, manufacturers, and decision-makers across the sector.

The upcoming Mumbai edition is expected to attract over 15,000 trade visitors, including plant heads, packaging technologists, procurement leaders, and industry experts from across India and international markets.

With hundreds of machines expected to run live on the exhibition floor, the expo will offer industry professionals a rare opportunity to see cutting-edge packaging technologies in action and explore solutions aimed at improving productivity, automation, and sustainability in corrugated packaging manufacturing.

Supported by industry bodies such as the Federation of Corrugated Box Manufacturers (FCBM) and the Indian Institute of Packaging, the event is also expected to serve as an important knowledge and networking hub for industry stakeholders.

As the countdown begins, Corru Pack Print India Expo 2026 is set to become a key meeting point for the global corrugated packaging machinery industry, bringing together innovation, technology, and business opportunities under one roof in Mumbai.

पश्चिम एशिया में जारी संकट के बीच पीएम मोदी ने ईरान के राष्ट्रपति से की बात, बोले- बातचीत से हो सामाधान

#pmmodispeakstoiranianpresidentmasoud_pezeshkian

पश्चिम एशिया में तनाव अपने चरम पर है। ईरान और इजरायल-अमेरिका के बीच जंग जारी हैं। ईरान जंग की वजह से पूरी दुनिया में खलबली है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के बंद होने से तेल संकट भी है। इस तनाव के बीच प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान से बातचीत की है।

मौजूदा हालात पर जताई चिंता

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ईरान के राष्ट्रपति डॉ. मसूद पेजेशकियन से फोन पर बातचीत की। दोनों नेताओं ने क्षेत्र में पैदा हुए गंभीर हालात और मौजूदा सुरक्षा स्थिति पर विस्तार से चर्चा की। पीएम मोदी ने बातचीत के दौरान क्षेत्र में तेजी से बढ़ते तनाव, आम नागरिकों की मौत और सिटीजन इंफ्रास्ट्रक्चर को हुए नुकसान पर गहरी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि मौजूदा स्थिति पूरे क्षेत्र की स्थिरता और शांति के लिए गंभीर चुनौती बन सकती है।

संवाद और कूटनीति से हल निकालने की अपील

पीएम मोदी ने बताया, 'भारतीय नागरिकों की सुरक्षा और ऊर्जा के निर्बाध परिवहन की आवश्यकता भारत की सर्वोच्च प्राथमिकता बनी हुई है। मैंने शांति और स्थिरता के प्रति भारत की प्रतिबद्धता को दोहराया और संवाद, कूटनीति का आग्रह किया।'

पश्चिम एशिया के कई देशों के नेताओं से की बात

पिछले दस दिनों के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने पश्चिम एशिया के कई देशों के नेताओं से भी बातचीत की है। ईरान पर अमेरिका और इजराइल की ओर से किए गए संयुक्त हमले के बाद से पश्चिम एशिया में संकट गहरा रहे संकट के बीच ये बातचीत हुई है। गौरतलब है कि इस हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई की मौत हो गई थी। इसके जवाब में ईरान ने ड्रोन और मिसाइल हमले करते हुए इस्राइल और खाड़ी क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाना शुरू कर दिया है। इन हमलों का असर दुबई और दोहा जैसे वैश्विक व्यापार और विमानन केंद्रों के आसपास भी देखा गया है।

पश्चिम एशिया में तनाव के बीच पीएम मोदी ने यूएई के राष्ट्रपति और इजराइली पीएम को लगाया फोन, जानें क्या हुई बात?

#pmmodispoketothepresidentoftheuae

इजराइल-अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध के कारण मिडिल ईस्ट में तनाव चरम पर है। इजराइल-अमेरिका का बदला लेने के लिए कुवैत, सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात यानी यूएई, बहरीन, कतर पर ईरान ताबड़तोड़ हमले कर रहा है। इसी बीच में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूएई के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान और फिर इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से फोन पर बातचीत की। इस बात की जानकारी खुद पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर दी।

लड़ाई जल्द खत्म करने की जरूरत पर जोर

प्रधानमंत्री ने अपने पोस्ट में लिखा कि अभी के इलाके के हालात पर बात करने के लिए पीएम बेंजामिन नेतन्याहू से फोन पर बात हुई। हाल के घटनाक्रम पर भारत की चिंताएं बताईं और आम लोगों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी। भारत लड़ाई जल्द खत्म करने की जरूरत पर फिर से जोर देता है।

यूएई के राष्ट्रपति से की बातचीत

पीएम मोदी ने अपने एक पोस्ट में संयुक्त अरब अमीरात का भी जिक्र किया। पीएम मोदी ने कहा कि यूनाइटेड अरब अमीरात के प्रेसिडेंट शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से बात की और यूएई पर हाल ही में हुए हमलों की कड़ी निंदा की। बातचीत में जानमाल के नुकसान पर दुख जताया। उन्होंने कहा कि भारत इस कठिन समय में यूएई के साथ मजबूती से खड़ा है।

ईरान ने यूएई पर भी किए हमले

बता दें कि ईरान और इजरायल के अटैक के बीच ईरान ने मिडिल ईस्ट खासकर यूएई में भी हमले किए। दुब के लग्जरी होटल बुर्ज अल अरब पर भी अटैक हुआ था, जिसके बाद बिल्डिंग से आग की लपटें उठती दिखी थीं। इसके अलावा ईरान ने द पाम होटल और इंटरनेशनल एयरपोर्ट को भी निशाना बनाया। दुबई के मीडिया ऑफिस ने एक्स पर लिखा कि दुबई इंटरनेशनल के एक कॉन्कोर्स को एक घटना में मामूली नुकसान हुआ, जिस पर जल्दी से काबू कर लिया गया। बताया गया कि घटना में 4 लोग घायल हुए। बता दें कि दुबई मिडिल ईस्ट का सबसे बड़ा टूरिज्म और ट्रेड हब है और इसका एयरपोर्ट दुनिया के सबसे बिजी ट्रैवल हब में से एक

मिडिल ईस्ट बिगड़ते हालात

दरअसल, मिडिल ईस्ट में हालात तब और बिगड़ गए, जब अमेरिका और इजरायल ने एक साथ मिलकर ईरान को निशाना बनाया। इसमें ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामनेई की मौत हो गई है। इसके अलावा कई अन्य नेताओं की भी मारे जाने की खबर है। जिसमें डिफेंस मिनिस्टर तक शामिल हैं। इसके बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए इजरायल और खाड़ी क्षेत्र के कुछ अन्य देशों की ओर मिसाइलें दागीं है। ईरान की इस कार्रवाई के बाद पूरे खाड़ी क्षेत्र में बड़े युद्ध की आशंका बढ़ गई है।

AI समिट शर्टलेस प्रोटेस्ट केस में कांग्रेस यूथ प्रेसिडेंट उदय भानु चिब को बड़ी राहत, कोर्ट ने दी जमानत

#youthcongresspresidentudaybhanuchibgranted_bail

एआई इम्पैक्ट समिट में के दौरान भारत मंडपम में हुए 'शर्टलेस' विरोध प्रदर्शन मामले में इंडिया यूथ कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब को बड़ी राहत मिली है। दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट के ड्यूटी मजिस्ट्रेट ने उदय को आज सुबह जमानत दे दी है।

रिमांड बढ़ाने की अर्जी खारिज

देर रात सुनवाई के बाद कोर्ट ने पुलिस की 7 दिन की रिमांड बढ़ाने की अर्जी खारिज कर दी, क्योंकि उदय के खिलाफ ठोस सबूत नहीं मिले। उदय को पटियाला हाउस कोर्ट के ड्यूटी मजिस्ट्रेट से जमानत तो मिल गई है, लेकिन इसके लिए उदय को कुछ शर्तें माननी पड़ेंगी। जमानत शर्तों में 50 हजार रुपये के पर्सनल बॉन्ड का भुगतान ज़रूरी है। इसके साथ ही उदय को कोर्ट में अपने पासपोर्ट और इलेक्ट्रॉनिक डिवासेज़ भी सरेंडर करने होंगे।

रिमांड बढ़ाने की मांग

इससे पहले चिब के वकील एडवोकेट सुलेमान मोहम्मद खान ने बताया कि 'दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच ने उदय भानु की पुलिस कस्टडी बढ़ाने के लिए एक एप्लीकेशन दी है। उन्होंने रिमांड को 7 दिन बढ़ाने की मांग की है, और एक आरोपी की पांच दिन और दूसरे की दो दिन की रिमांड के लिए दो एप्लीकेशन भी दी हैं।

क्या है मामला?

दिल्ली पुलिस ने एआई इम्पैक्ट समिट में भारतीय युवा कांग्रेस के सदस्यों के एक गुट की ओर से कमीज उतारकर किए गए विरोध प्रदर्शन के संबंध में संगठन के अध्यक्ष उदय भानु चिब को ‘मुख्य साजिशकर्ता’ करार देते हुए गिरफ्तार किया था। एआई इम्पैक्ट समिट के दौरान 20 फरवरी को यूथ कांग्रेस ने 'शर्टलेस' विरोध प्रदर्शन किया था। पुलिस ने उदय के साथ कृष्ण हरि, कुन्दन यादव, नरसिम्हा यादव, अजय कुमार यादव और कुछ अन्य यूथ कांग्रेस सदस्यों को गिरफ्तार किया था और उदय को मुख्य साजिशकर्ता बताया था।

मुझे अपने बब्बर शेर पर गर्व', शर्टलेस प्रदर्शन के बाद यूथ कांग्रेस चीफ उदय भानु की गिरफ्तारी पर बोले राहुल*

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इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 के दौरान भारत मंडपम में प्रोटेस्ट के मामले में इंडियन यूथ कांग्रेस के नेशनल प्रेसिडेंट उदय भानु चिब को गिरफ्तार किया गया है। कोर्ट ने दिल्ली पुलिस को चिब की 4 दिन की रिमांड को भी मंजूरी दे दी है। उदय भानु चिब की गिरफ्तारी के बाद कांग्रेस लीडर और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने उनके समर्थन में पोस्ट शेयर किया है और केंद्र सरकार की आलोचना की है।

कांग्रेस नेतृत्व कर रहा बचाव

एआई इम्पैक्ट समिट में यूथ कांग्रेस द्वारा किए गए शर्टलेस विरोध प्रदर्शन को बीजेपी ने इसे वैश्विक मंच पर भारत की छवि को धूमिल करने का एक शर्मनाक कृत्य बताया, जबकि यूथ कांग्रेस के इस प्रदर्शन का कांग्रेस लगातार बचाव कर रही है। राहुल गांधी समेत अन्य कांग्रेसी नेताओं ने केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल उठाया है।

अपने बब्बर शेर साथियों पर गर्व-राहुल गांधी

लोकसभा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि शांतिपूर्ण विरोध हमारी ऐतिहासिक धरोहर है। यह हमारे खून में है और हर भारतीय का लोकतांत्रिक अधिकार है। राहुल ने पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि मुझे युवा कांग्रेस के अपने बब्बर शेर साथियों पर गर्व है, जिन्होंने COMPROMISED PM के खिलाफ निडर होकर देश के हित में आवाज उठाई है।

खरगे ने सरकार पर बोला हमला

कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी अपने एक्स पोस्ट में युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं पर हुई कार्रवाई पर सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि युवा आज नौकरी के लिए तड़प रहे हैं। देश का माहौल खराब हो चुका है। पीएम मोदी के प्रति लोगों ने भारी रोष है। पीएम ने अमेरिका के सामने भी घुटने टेकते हुए सारी शर्तों को मान लिया, जिससे पूरा देश शर्मिंदा है। हकीकत में ट्रंप हमें गुलाम बना रहा है और बंधुआ मजदूर बनाने की दिशा में धकेला जा रहा है। यह काम मोदी कर रहे हैं।

क्या है पूरा मामला?

यह मामला उस समय चर्चा में आया जब युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने एआई समिट के दौरान बिना शर्ट पहने विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार की नीतियों, बढ़ती बेरोजगारी और एआई से जुड़े मुद्दों को लेकर नारेबाजी की। इस मामले में भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष भानु चिब के साथ कुल आठ लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इससे पहले सोमवार को आरोपियों जितेंद्र यादव, राजा गुर्जर व अजय कुमार को ग्वालियर को गिरफ्तार किया गया था। गिरफ्तारियों में बिहार के कुंदन यादव, कृष्णा हरि, उत्तर प्रदेश के अजय कुमार और तेलंगाना के नरसिम्हा यादव शामिल बताए गए हैं।