राहुल गांधी की लोकसभा सदस्यता होगी खत्म? निशिकांत दुबे ने निलंबित करने का दिया नोटिस

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बुधवार को लोकसभा में कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के भाषण ने सियासत को और गर्मा दिया। उन्होंने राजनीति को मार्शल आर्ट से जोड़ते हुए कहा कि जैसे खेल में 'ग्रिप' और 'चोक' होती है, वैसे ही राजनीति में भी कई अदृश्य तकनीकें काम करती हैं- बस वे दिखाई नहीं देतीं। अब अब भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने कांग्रेस सांसद और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के खिलाफ एक प्रस्‍ताव लाने का नोटिस दिया है।

आजीवन चुनाव लड़ने से अयोग्य घोषित करने की मांग

भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने गुरुवार 12 फरवरी को कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के खिलाफ ‘सब्सटेंटिव मोशन’ लाने का नोटिस दिया और उनकी संसद सदस्यता रद्द करने के साथ ही आजीवन चुनाव लड़ने से अयोग्य घोषित करने की मांग की है।

नोटिस में सोरोस फाउंडेशन जिक्र

संसद परिसर में भाजपा सांसद ने कहा कि उन्होंने अपने नोटिस में राहुल गांधी के विदेशी दौरों और कथित रूप से सोरोस फाउंडेशन, यूएसएआईडी और फोर्ड फाउंडेशन जैसी संस्थाओं से जुड़े लोगों के साथ संपर्क का उल्लेख किया है। दुबे ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी थाईलैंड, वियतनाम और कंबोडिया जैसे देशों की यात्राओं के दौरान ‘भारत विरोधी तत्वों’ के साथ मिलीभगत करते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह कोई विशेषाधिकार प्रस्ताव नहीं, बल्कि एक स्वतंत्र और आत्मनिर्भर प्रस्ताव यानी सब्सटेंटिव मोशन है, जिसका उद्देश्य सदन के समक्ष निर्णय या राय व्यक्त करना होता ।

पहले जा चुकी है राहुल गांधी की सदस्यता

साल 2023 में राहुल गांधी के 2019 में लोकसभा चुनाव के दौरान कर्नाटक के कोलार में दिए गए भाषण को लेकर सूरत की एक अदालत ने राहुल गांधी को दो साल की सज़ा सुनाई। इसके तुरंत बाद उनकी लोकसभा सदस्यता रद कर दी गई थी। हालांकि बाद राहुल गांधी की सदस्यता बहाल हो गई थी।

क्या राहुल गांधी का बयान

बुधवार को लोकसभा में बोलते हुए राहुल गांधी ने आरोप लगाया था कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौते में सरकार ने देश के हितों से समझौता किया है। उन्होंने कहा कि सरकार खुद मानती है कि दुनिया इस समय अस्थिर दौर से गुजर रही है, जहां ऊर्जा और वित्त को हथियार की तरह इस्तेमाल किया जा रहा है। इसके बावजूद, उनके मुताबिक, भारत ने अपनी ऊर्जा सुरक्षा से जुड़े अहम फैसलों में अमेरिका को ज्यादा प्रभाव दिया है। उन्होंने मार्शल आर्ट का उदाहरण देते हुए कहा कि पहले पकड़ बनाई जाती है, फिर गला दबाया जाता है और अंत में सामने वाला हार मान लेता है।

BJP's grand booth worker Sneh Milan in Godhra in the presence of Jagdish Chandra Bariya as a Shaktikendra Pramukh

A grand 'Booth Worker Sneh Milan' program was recently organized in Godhra city, the headquarters of Panchmahal district. This program of former minister and BJP worker Jagdish Chandra Bariya's parishad showed the power of the organization. On this occasion, Gujarat State Industries Minister and leading leader of the organization Jagdish Vishwakarma was specially present.

The program began with the lighting of the lamp and worship of Bharat Mata. The main purpose of this Sneh Milan was to have direct communication with the workers working at the grassroots level and equip them for the upcoming political goals. Jagdish Chandra Bariya also attended as a worker.

Jagdish Vishwakarma's guidance

Minister Jagdish Vishwakarma, who was present as the chief guest, infused new energy among the workers in his address. He said, "If you win the booth, you win the election" is not just a slogan but the main mantra of the BJP's working method. He appealed to the workers to become a link to reach the various welfare schemes of the government to the last man.

He further emphasized on strengthening the organizational structure and accelerating the work of the page committee. His presence created a lot of enthusiasm among the local workers, as he met the workers at a personal level and listened to their questions.

A large number of Shakti Kendra office bearers and workers from Godhra and surrounding rural areas gathered.

Other office bearers of Panchmahal district BJP were also present in this conference, which shows the unity of the party.

This Sneha Milan was not just a dinner or a general meeting, but a platform to formulate strategies for the coming time. The workers were inspired to work in their respective areas with a new resolve. The guidance of Jagdish Vishwakarma has infused new energy in the Godhra BJP.

बीजेपी अध्यक्ष बनते ही नितिन नवीन को मिली Z कैटेगरी की सुरक्षा, जानें कैसा होगा सुरक्षा घेरा?

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भाजपा के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने जा रहे नितिन नवीन की सुरक्षा अब पहले से कहीं ज्यादा मजबूत कर दी गई है। भाजपा के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन को केंद्र सरकार की ओर से ‘जेड’ श्रेणी की सुरक्षा प्रदान की गई है। केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के जवान उनकी सुरक्षा में तैनात किए गए हैं। ‘जेड’ श्रेणी की सुरक्षा देश की उच्चतम सुरक्षा व्यवस्थाओं में से एक मानी जाती है, जिसमें कमांडो स्तर के सुरक्षाकर्मी शामिल रहते हैं।

जिम्मेदारियों के साथ सुरक्षा का स्तर भी बढ़ा

45 साल की उम्र में राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने जा रहे नितिन नवीन इस पद को संभालने वाले सबसे युवा नेताओं में शामिल हैं, और इसी के साथ उनकी जिम्मेदारियों के साथ सुरक्षा का स्तर भी बढ़ा दिया गया है। अब बीजेपी के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष सीआरपीएफ की सुरक्षा घेरे में रहेंगे।

आईबी की रिपोर्ट के आधार पर फैसला

सूत्रों के मुताबिक, नितिन नवीन को Z कैटेगरी की सुरक्षा कुछ दिन पहले ही दे दी गई थी। यह निर्णय इंटेलिजेंस ब्यूरो की ओर से तैयार की गई थ्रेट परसेप्शन रिपोर्ट के आधार पर लिया गया है। रिपोर्ट में उनके लिए संभावित खतरों का आकलन किया गया था, जिसके बाद गृह मंत्रालय को सुरक्षा बढ़ाने की सिफारिश भेजी गई। गृह मंत्रालय ने इस पर मुहर लगाते हुए Z श्रेणी की सुरक्षा को मंजूरी दे दी।

सीआरपीएफ पर 200 वीआईपी की सुरक्षा की जिम्मेदारी

नवीन के पूर्ववर्ती जेपी नड्डा को भी सरकार की ओर से इसी तरह की सुरक्षा दी गई थी, जिसकी व्यवस्था सीआरपीएफ के वीआईपी सुरक्षा शाखा करती थी। सीआरपीएफ केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह, गांधी परिवार और कई अन्य नेताओं तथा विशिष्ट व्यक्तियों को सुरक्षा प्रदान करता है। वर्तमान में सीआरपीएफ लगभग 200 वीआईपी की सुरक्षा की जिम्मेदारी संभाल रहा है।

क्या होती है Z कैटेगरी की सुरक्षा?

Z कैटेगरी की सुरक्षा भारत में दी जाने वाली प्रमुख वीआईपी सुरक्षा व्यवस्थाओं में से एक है। इसे देश की तीसरी सबसे ऊंची सुरक्षा श्रेणी माना जाता है। इस सुरक्षा में आमतौर पर करीब 22 सुरक्षाकर्मी तैनात रहते हैं, जो 24 घंटे व्यक्ति की सुरक्षा में लगे रहते हैं। इनमें 4 से 6 बेहद प्रशिक्षित कमांडो शामिल होते हैं, जबकि बाकी जवान सीआरपीएफ या राज्य पुलिस से होते हैं।

नितिन नवीन बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष घोषित, पीएम मोदी ने माला पहनाकर किया अभिनंदन

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भारतीय जनता पार्टी में नितिन नवीन को आज आधिकारिक रूप से पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष चुन लिया गया है। बीजेपी के राष्ट्रीय चुनाव अधिकारी डॉ के लक्ष्मण ने नितिन नवीन के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने की घोषणा की। नितिन नवीन की राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में घोषणा किए जाने के बाद प्रधानमंत्री ने माला पहनाकर उनका अभिनंदन किया।

नितिन नवीन बने बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष

भाजपा मुख्यालय के मंच से पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष के तौर पर नितिन नवीन के नाम का आधिकारिक एलान किया गया। नितिन नवीन के नाम का एलान पीएम मोदी की मौजूदगी में किया गया। पीएम मोदी ने नितिन नवीन को भाजपा अध्यक्ष के तौर पर पदभार संभालने के लिए शुभकामनाएं दी और उन्हें पुष्पमाला पहनाई।

जेपी नड्डा ने दीं नितिन नबीन को दीं शुभकामनाएं

पूर्व भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने नितिन नवीन को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि दुनिया की सबसे बड़ी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष के तौर पर नितिन नवीन पदभार संभाल रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह महान पार्टी, जिसे श्यामा प्रसाद मुखर्जी के नेतृत्व में जनसंघ के तौर पर आगे बढ़ने का सौभाग्य मिला। इसी को आगे अटल बिहारी वाजपेयी, लालकृष्ण आडवाणी, कुशाभाऊ ठाकरे ने भाजपा के तौर पर आगे बढ़ाया। जेपी नड्डा ने कहा कि आज बहुत ही ऐतिहासिक अवसर है, जब दुनिया की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में हमारे नौजवान, ऊर्जावान, प्रतिभावान नितिन नवीन ये पदभार संभाल रहे हैं।

मंच पर मौजूद रहे ये बड़े नेता

भाजपा मुख्यालय में मंच पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, पूर्व भाजपा अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह आदि मौजूद रहे।

बीजेपी के नए 'बॉस' बने नितिन नवीन, भाजपा की कमान संभालने से पहले की पूजा-अर्चना

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भारतीय जनता पार्टी को आज नया राष्ट्रीय अध्यक्ष मिलने वाला है। नितिन नवीन को निर्विरोध बीजेपी का राष्ट्रीय अध्यक्ष चुन लिया गया है, जिसका आज औपचारिक ऐलान किया जाएगा। नितिन नवीन को राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए एकमात्र उम्मीदवार घोषित किया। उनके पक्ष में 37 नामांकन पत्र दाखिल किए गए, जिनमें प्रधानमंत्री मोदी का प्रस्ताव भी शामिल था।

भारतीय जनता पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन अब पार्टी के 12वें राष्ट्रीय अध्यक्ष होंगे। वे अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी संभालने से पहले मंदिर पहुंचे और पूजा अर्चना की। नवनिर्वाचित भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन ने दिल्ली के झंडेवालान मंदिर में पूजा-अर्चना की। इसके बाद नवीन दिल्ली के प्रदेश अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा के साथ वाल्मीकि मंदिर में दर्शन किए और पूजा-अर्चना की। साथ ही कनॉट प्लेस इलाके में स्थित हनुमान मंदिर में पूजा-अर्चना की। मंदिरों में दर्शन के बाद नितिन नवीन ने दिल्ली के गुरुद्वारा बंगला साहिब में पहुंचकर प्रार्थना की।

पीएम मोदी की मौजूदगी में ग्रहण करेगे कार्यभार

अध्यक्ष पद का कार्यभार सौंपने का समारोह सुबह 11:30 बजे पार्टी मुख्यालय में आयोजित किया जाएगा। इस विशेष मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेता मौजूद रहेंगे।

45 साल में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष

नितिन नवीन 26 साल की उम्र में पहली बार विधायक बने और अब 45 वर्ष की उम्र में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने जा रहे हैं। राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में उनकी पदोन्नति भाजपा में पीढ़ीगत बदलाव का संकेत है, क्योंकि पार्टी राष्ट्रीय राजनीति पर अपनी पकड़ और मजबूत करना चाहती है। शांत स्वभाव वाले नवीन को इस साल अप्रैल में तमिलनाडु, केरल और असम सहित कई राज्यों में विधानसभा चुनाव के दौरान पार्टी की कमान संभालनी है।

नितिन नवीन आज भाजपा अध्यक्ष पद के लिए करेंगे नामांकन, निर्विरोध चुने जाने की पूरी संभावना

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भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनाव के लिए आज से नामांकन की प्रक्रिया शुरू हो रही है। सोमवार 19 जनवरी को पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन अध्यक्ष पद के चुनाव के लिए अपना नामांकन दाखिल करेंगे। नवीन के निर्विरोध सबसे कम उम्र के अध्यक्ष बनने की संभावना है।

सभी राज्यों से मांगे गए प्रस्ताव

नितिन नवीन के नामांकन में सभी राज्यों से एक-एक प्रस्ताव मंगाया गया है। राज्यों के अलावा नितिन नवीन के प्रस्तावक के रूप में बीजेपी संसदीय दल की तरफ से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह, नितिन गडकरी, राजनाथ सिंह सरीखे पार्टी के प्रमुख नेता भी होंगे।

निर्विरोध चुने जाने की संभावना

पार्टी सूत्रों ने बताया कि भाजपा के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन के पार्टी के 12वें राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में निर्विरोध चुने जाने की संभावना है, क्योंकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह सहित पार्टी नेतृत्व इस पद के लिए उनकी उम्मीदवारी का समर्थन कर रहा है।

दो बजे से चार बजे तक होगा नामांकन

भाजपा के राष्ट्रीय निर्वाचन अधिकारी के. लक्ष्मण द्वारा घोषित चुनाव कार्यक्रम के अनुसार, इस पद के लिए नामांकन सोमवार को अपराह्न दो बजे से चार बजे तक दाखिल किए जाएंगे। चुनाव की प्रक्रिया बीजेपी मुख्यालय में पूरी कराई जाएगी। चुनाव प्रक्रिया पूरी होने के बाद अगले दिन नए पार्टी अध्यक्ष के नाम की घोषणा की जाएगी।

कल होगा नाम का औपचारिक ऐलान

20 जनवरी को औपचारिक रूप से नितिन नवीन की अध्यक्ष के रूप में घोषणा कर दी जाएगी। 20 जनवरी को इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह समेत सभी वरिष्ठ नेता, सभी बीजेपी शासित राज्यों के मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री, प्रदेश अध्यक्ष, प्रदेश संगठन महामंत्री, प्रदेश प्रभारी और राष्ट्रीय पदाधिकारी शामिल होंगे।

भाजपा में कैसे होता है राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव

भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव पार्टी की राष्ट्रीय परिषद और राज्य परिषदों के प्रतिनिधियों से मिलकर बने निर्वाचक मंडल द्वारा किया जाता है। इस प्रक्रिया की देखरेख पार्टी के राष्ट्रीय निर्वाचन अधिकारी द्वारा की जाती है। भाजपा के संविधान के अनुसार, किसी राज्य के निर्वाचक मंडल के कोई भी 20 सदस्य संयुक्त रूप से राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए ऐसे व्यक्ति का नाम प्रस्तावित कर सकते हैं, जो चार कार्यकाल तक सक्रिय सदस्य रहा हो और जिसकी सदस्यता के पंद्रह वर्ष पूरे हो चुके हों। पार्टी संविधान के मुताबिक ऐसा संयुक्त प्रस्ताव कम से कम पांच राज्यों से आना चाहिए जहां राष्ट्रीय परिषद के लिए चुनाव संपन्न हो चुके हैं।

VB–G RAM G को लेकर विपक्ष पर खट्टर का सीधा हमला, जनता को कर रहे है गुमराह

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कांग्रेस काल में घोटाले, BJP ने किया सिस्टम दुरुस्त – मनोहर लाल खट्टर

झारखंड प्रदेश कार्यालय में आज VB–G RAM G को लेकर प्रदेश स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसके समापन के बाद रांची आए हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री व केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने विकसित भारत की परिकल्पना के उद्देश्य से लाया VB–G RAM G योजना है। इस योजना को लेकर विपक्ष लगातार जनता को भ्रमित करने का प्रयास कर रहा है। पूर्व में यह मनरेगा के नाम से जाना जाता था अब इसमें पारदर्शिता के साथ लागू किया गया है। विपक्ष पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस शासनकाल में कई घोटाले हुए और ऑडिट प्रक्रिया भी फर्जी तरीके से की जाती थी...

लेकिन भाजपा सरकार ने इन सभी खामियों को दूर किया है।

मनोहर लाल खट्टर ने बताया कि अब GIS मैपिंग के ज़रिये पूरी योजना की निगरानी की जा रही है, जिससे पारदर्शिता सुनिश्चित हो रही है और किसी भी तरह की गड़बड़ी की गुंजाइश नहीं बची है....

ईडी की रेड पर बिफरीं ममता, बीजेपी ने पूछा-इतनी घबराहट क्यों?

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कोलकाता में I-PAC प्रमुख प्रतीक जैन के घर और दफ्तरों पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की छापेमारी के खिलाफ तृणमूल कांग्रेस ने मोर्चा खोल दिया है। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने 9 जनवरी यानी शुक्रवार को राज्य की राजधानी कोलकाता में विरोध मार्च निकाला। इस बीच बीजेपी ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधा।

ममता बनर्जी ने लोकतांत्रिक प्रक्रिया को शर्मसार किया

केंद्रीय मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि गुरुवार को बंगाल में जो हुआ, वह आजाद भारत में पहले कभी नहीं हुआ। सीएम ममता बनर्जी का पूरा काम न सिर्फ अनैतिक, गैर-जिम्मेदार और असंवैधानिक है, बल्कि उन्होंने पूरी लोकतांत्रिक प्रक्रिया को शर्मसार कर दिया है।

रविशंकर ने पूछा- ममता क्यों घबरा गई हैं

बीजेपी कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस में सांसद रविशंकर प्रसाद ने कहा, रेड निजी कंपनी के दफ्तर पर थी। हमें नहीं समझ आता कि इसमें ममता क्यों घबरा गई हैं। उन्हें डर है कि उनके घोटालों के राज खुल जाएंगे। जांच को रोकना कानून का उल्लंघन है। ममता का हिसाब जनता करेगी।'

ED के अधिकारियों को धमकाने का आरोप

रविशंकर ने आरोप लगाया कि ममता बनर्जी बंगाल में कोई जांच नहीं होने देती हैं। उन्होंने ED के अधिकारियों को भी धमकाया है। रविशंकर ने कहा कि मैं आपको बता दूं कि ये रेड न तो ममता बनर्जी के घर पर थी, न उनके दफ्तर में, न ही टीएमसी के दफ्तर में और न ही टीएमसी के किसी नेता या मंत्री के घर पर थी। ये रेड एक निजी कंसल्टेंसी फर्म पर थी, जिसके यहां करोड़ों रुपये की मनी लॉन्ड्रिंग की शिकायत आई थी। ऐसे में ममता बनर्जी अपने पुलिस अधिकारियों के साथ जाती हैं और ईडी के लोगों को धमकाया जाता है। ममता बनर्जी उनसे बहस करती हैं और पेपर छीन कर चली जाती हैं। उनका आचरण न केवल अमर्यादित और शर्मनाक है, बल्कि उन्होंने इससे संवैधानिक मर्यादाओं को भी तार-तार किया है।

बंगाल कोयले की स्मगलिंग का एक बहुत बड़ा हॉट स्पॉट

बीजेपी सांसद ने आगे कहा, ममता बनर्जी के राज में पश्चिम बंगाल का हाल बेहाल हो गया है। आपको मालूम है कि बंगाल कोयले की स्मगलिंग का एक बहुत बड़ा हॉट स्पॉट है, जिसमें सत्ताधारी दल के लोग भी शामिल हैं।

कर्नाटक में हिरासत के दौरान बीजेपी महिला कार्यकर्ता से बदसलूकी, पुलिस पर सनसनीखेज आरोप

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कर्नाटक के हुब्बली शहर में मंगलवार को पुलिस हिरासत के दौरान एक भाजपा महिला कार्यकर्ता से मारपीट का मामला सामने आया। महिला ने कपड़े फाड़े जाने का भी आरोप लगाया है। बीजेपी कार्यकर्ता को कांग्रेस पार्षद की शिकायत पर हिरासत में लिया गया था।

घटना से जुड़ा वीडियो सामने आया है, जिसमें महिला कार्यकर्ता को बस के अंदर पुरुष और महिला पुलिसकर्मियों से घिरा देखा जा सकता है। आरोप है कि हिरासत के दौरान महिला ने पुलिस कार्रवाई पर आपत्ति जताई और विरोध किया। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने उसके साथ मारपीट की। इस दौरान उसके कपड़े भी फट गए।

विरोध करने पर काउंटर केस दर्ज

पुलिस का कहना है कि हिरासत के दौरान महिला ने विरोध किया और पुलिसकर्मियों के साथ दुर्व्यवहार किया। इसके बाद पुलिस ने महिला के खिलाफ काउंटर शिकायत दर्ज की।पुलिस ने बताया कि महिला के खिलाफ दर्ज मामलों में भारतीय दंड संहिता की धारा 307 के तहत मामला भी शामिल है।

कांग्रेस पार्षद की शिकायत के बाद गिरफ्तारी

जानकारी के अनुसार, कांग्रेस पार्षद सुवर्णा कल्लाकुंतला की शिकायत के आधार पर महिला को हिरासत में लिया गया था। यह विवाद राज्य में मतदाता सूची पुनरीक्षण प्रक्रिया के दौरान शुरू हुआ, जिसमें बीजेपी और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच पहले भी टकराव हुआ था। सूत्रों के अनुसार, महिला पूर्व में कांग्रेस कार्यकर्ता रही हैं और हाल ही में उन्होंने बीजेपी जॉइन किया था। आरोप है कि उन्होंने कुछ मतदाताओं के नाम हटाने में अधिकारियों की मदद की, जिससे राजनीतिक तनाव बढ़ा।

बीजेपी ने महिला सुरक्षा पर उठाया सवाल

भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने ट्वीट कर कर्नाटक में महिला सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि अगर किसी महिला की मर्यादा भंग की जाए, उसके कपड़े फाड़े जाएं और पुलिस द्वारा इस तरह से मारपीट की जाए, तो यह साफ दिखाता है कि कांग्रेस शासन में महिलाओं की सुरक्षा की क्या हालत है। उन्होंने तंज कसते हुए पूछा, "क्या यही है ‘लड़की हूं, लड़ सकती हूं’?" क्या यही राजनीतिक असहमति का अधिकार है कि एक भाजपा की महिला कार्यकर्ता के साथ ऐसा व्यवहार किया जाए? शहजाद पूनावाला ने इस घटना को शर्मनाक बताते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी के शासन में महिलाएं अब सुरक्षित नहीं हैं और इस तरह की घटनाएं बेहद निंदनीय हैं।

महाराष्ट्र में गजब का सियासी खेल! भाजपा ने कांग्रेस ने मिला लिया हाथ

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कहा जाता है राजनीति में कुछ भी असंभव नहीं है। महाराष्ट्र की सियासत में ऐसा ही कुछ देखा जा रहा है। कांग्रेस-मुक्त भारत का नारा लगाने वाली भाजपा ने ठाणे में अंबरनाथ नगर परिषद में सीधे कांग्रेस से हाथ मिला लिया है। कांग्रेस से गठबंधन कर भाजपा ने अंबरनाथ नगर परिषद में सत्ता हासिल कर ली।

भाजपा और कांग्रेस का दुर्लभ गठबंधन

हाल ही में हुए स्थानीय निकाय चुनावों के बाद अंबरनाथ नगर पालिका में भाजपा और कांग्रेस का एक दुर्लभ गठबंधन सामने आया है। इस गठबंधन ने राजनीतिक विश्लेषकों और पार्टी कार्यकर्ताओं को आश्चर्यचकित कर दिया है। भाजपा ने कांग्रेस और अजीत पवार के नेतृत्व वाली राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के पार्षदों के साथ मिलकर अंबरनाथ विकास अघाड़ी का गठन किया है और मुंबई क्षेत्र की एक नगर परिषद पर नियंत्रण हासिल कर लिया है। इस गठबंधन से शिवसेना सत्ता से बाहर हो गई है।

शिवसेना सत्ता से दूर रखने के लिए कांग्रेस का साथ

भाजपा-कांग्रेस के इस सियासी खेल ने महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना को अंबरनाथ में हाशिए पर धकेल दिया है। चौंकाने वाली बात है कि भाजपा ने शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना को अंबरनाथ नगर परिषद में सत्ता से दूर रखने के लिए कांग्रेस का समर्थन लिया है।

किसे कितनी सीटें मिलीं

चुनाव पिछले महीने हुए थे, जिसमें शिवसेना और बीजेपी, राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर सहयोगी होने के बावजूद, अलग-अलग चुनाव लड़े थे। 60 सदस्यीय परिषद में, शिवसेना सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी और उसने 27 सीटें जीतीं। लेकिन बहुमत से थोडा दूर रह गई। भाजपा को 14 सीटें मिलीं, जबकि कांग्रेस ने 12 सीटें जीतीं। अजीत पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी ने चार सीटें जीतीं और दो निर्दलीय उम्मीदवार भी निर्वाचित हुए।

"अंबरनाथ विकास अघाड़ी" का गठन

शिवसेना को नगर निगम अध्यक्ष पद के चुनाव में झटका लगा, जहां उसकी उम्मीदवार मनीषा वालेकर भाजपा उम्मीदवार तेजश्री करंजुले पाटिल से हार गईं। शिंदे सेना सोच रही थी की बीजेपी उनके साथ मिलकर नगर परिषद में सरकार बनाएगी लेकिन ऐसा नहीं हुआ। बीजेपी ने शिंदे सेना के बजाय कांग्रेस से हाथ मिला लिया और नगर परिषद में सत्ता स्थापित कर ली। स्थानीय स्तर पर कांग्रेस के साथ मिलकर सत्ता स्थापित करना का फैसला लिया गया। इस गठबंधन को "अंबरनाथ विकास अघाड़ी" नाम दिया गया है।

ये है गठबंधन का गणित

अंबरनाथ में घोषित गठबंधन में 14 भाजपा पार्षद, भाजपा समर्थित नगर अध्यक्ष, 12 कांग्रेस पार्षद, चार एनसीपी (अजीत पवार गुट) पार्षद और एक निर्दलीय पार्षद शामिल हैं। गठबंधन की कुल संख्या 32 हो गई है, जो 60 सदस्यीय परिषद में बहुमत का आंकड़ा पार कर जाती है।

शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में रोष

भाजपा की ओर से मिले इस झटके के बाद शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में काफी रोष नजर आ रहा है। इस मामले पर शिवसेना (शिंदे गुट) के सांसद श्रीकांत शिंदे ने कहा कि अंबरनाथ में भाजपा और कांग्रेस का गठबंधन हुआ है, तो इसका जवाब भी उनके ही नेताओं को देना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह फैसला शिवसेना का नहीं है और न ही इस पर शिवसेना को सफाई देने की जरूरत है।

राहुल गांधी की लोकसभा सदस्यता होगी खत्म? निशिकांत दुबे ने निलंबित करने का दिया नोटिस

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बुधवार को लोकसभा में कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के भाषण ने सियासत को और गर्मा दिया। उन्होंने राजनीति को मार्शल आर्ट से जोड़ते हुए कहा कि जैसे खेल में 'ग्रिप' और 'चोक' होती है, वैसे ही राजनीति में भी कई अदृश्य तकनीकें काम करती हैं- बस वे दिखाई नहीं देतीं। अब अब भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने कांग्रेस सांसद और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के खिलाफ एक प्रस्‍ताव लाने का नोटिस दिया है।

आजीवन चुनाव लड़ने से अयोग्य घोषित करने की मांग

भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने गुरुवार 12 फरवरी को कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के खिलाफ ‘सब्सटेंटिव मोशन’ लाने का नोटिस दिया और उनकी संसद सदस्यता रद्द करने के साथ ही आजीवन चुनाव लड़ने से अयोग्य घोषित करने की मांग की है।

नोटिस में सोरोस फाउंडेशन जिक्र

संसद परिसर में भाजपा सांसद ने कहा कि उन्होंने अपने नोटिस में राहुल गांधी के विदेशी दौरों और कथित रूप से सोरोस फाउंडेशन, यूएसएआईडी और फोर्ड फाउंडेशन जैसी संस्थाओं से जुड़े लोगों के साथ संपर्क का उल्लेख किया है। दुबे ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी थाईलैंड, वियतनाम और कंबोडिया जैसे देशों की यात्राओं के दौरान ‘भारत विरोधी तत्वों’ के साथ मिलीभगत करते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह कोई विशेषाधिकार प्रस्ताव नहीं, बल्कि एक स्वतंत्र और आत्मनिर्भर प्रस्ताव यानी सब्सटेंटिव मोशन है, जिसका उद्देश्य सदन के समक्ष निर्णय या राय व्यक्त करना होता ।

पहले जा चुकी है राहुल गांधी की सदस्यता

साल 2023 में राहुल गांधी के 2019 में लोकसभा चुनाव के दौरान कर्नाटक के कोलार में दिए गए भाषण को लेकर सूरत की एक अदालत ने राहुल गांधी को दो साल की सज़ा सुनाई। इसके तुरंत बाद उनकी लोकसभा सदस्यता रद कर दी गई थी। हालांकि बाद राहुल गांधी की सदस्यता बहाल हो गई थी।

क्या राहुल गांधी का बयान

बुधवार को लोकसभा में बोलते हुए राहुल गांधी ने आरोप लगाया था कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौते में सरकार ने देश के हितों से समझौता किया है। उन्होंने कहा कि सरकार खुद मानती है कि दुनिया इस समय अस्थिर दौर से गुजर रही है, जहां ऊर्जा और वित्त को हथियार की तरह इस्तेमाल किया जा रहा है। इसके बावजूद, उनके मुताबिक, भारत ने अपनी ऊर्जा सुरक्षा से जुड़े अहम फैसलों में अमेरिका को ज्यादा प्रभाव दिया है। उन्होंने मार्शल आर्ट का उदाहरण देते हुए कहा कि पहले पकड़ बनाई जाती है, फिर गला दबाया जाता है और अंत में सामने वाला हार मान लेता है।

BJP's grand booth worker Sneh Milan in Godhra in the presence of Jagdish Chandra Bariya as a Shaktikendra Pramukh

A grand 'Booth Worker Sneh Milan' program was recently organized in Godhra city, the headquarters of Panchmahal district. This program of former minister and BJP worker Jagdish Chandra Bariya's parishad showed the power of the organization. On this occasion, Gujarat State Industries Minister and leading leader of the organization Jagdish Vishwakarma was specially present.

The program began with the lighting of the lamp and worship of Bharat Mata. The main purpose of this Sneh Milan was to have direct communication with the workers working at the grassroots level and equip them for the upcoming political goals. Jagdish Chandra Bariya also attended as a worker.

Jagdish Vishwakarma's guidance

Minister Jagdish Vishwakarma, who was present as the chief guest, infused new energy among the workers in his address. He said, "If you win the booth, you win the election" is not just a slogan but the main mantra of the BJP's working method. He appealed to the workers to become a link to reach the various welfare schemes of the government to the last man.

He further emphasized on strengthening the organizational structure and accelerating the work of the page committee. His presence created a lot of enthusiasm among the local workers, as he met the workers at a personal level and listened to their questions.

A large number of Shakti Kendra office bearers and workers from Godhra and surrounding rural areas gathered.

Other office bearers of Panchmahal district BJP were also present in this conference, which shows the unity of the party.

This Sneha Milan was not just a dinner or a general meeting, but a platform to formulate strategies for the coming time. The workers were inspired to work in their respective areas with a new resolve. The guidance of Jagdish Vishwakarma has infused new energy in the Godhra BJP.

बीजेपी अध्यक्ष बनते ही नितिन नवीन को मिली Z कैटेगरी की सुरक्षा, जानें कैसा होगा सुरक्षा घेरा?

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भाजपा के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने जा रहे नितिन नवीन की सुरक्षा अब पहले से कहीं ज्यादा मजबूत कर दी गई है। भाजपा के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन को केंद्र सरकार की ओर से ‘जेड’ श्रेणी की सुरक्षा प्रदान की गई है। केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के जवान उनकी सुरक्षा में तैनात किए गए हैं। ‘जेड’ श्रेणी की सुरक्षा देश की उच्चतम सुरक्षा व्यवस्थाओं में से एक मानी जाती है, जिसमें कमांडो स्तर के सुरक्षाकर्मी शामिल रहते हैं।

जिम्मेदारियों के साथ सुरक्षा का स्तर भी बढ़ा

45 साल की उम्र में राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने जा रहे नितिन नवीन इस पद को संभालने वाले सबसे युवा नेताओं में शामिल हैं, और इसी के साथ उनकी जिम्मेदारियों के साथ सुरक्षा का स्तर भी बढ़ा दिया गया है। अब बीजेपी के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष सीआरपीएफ की सुरक्षा घेरे में रहेंगे।

आईबी की रिपोर्ट के आधार पर फैसला

सूत्रों के मुताबिक, नितिन नवीन को Z कैटेगरी की सुरक्षा कुछ दिन पहले ही दे दी गई थी। यह निर्णय इंटेलिजेंस ब्यूरो की ओर से तैयार की गई थ्रेट परसेप्शन रिपोर्ट के आधार पर लिया गया है। रिपोर्ट में उनके लिए संभावित खतरों का आकलन किया गया था, जिसके बाद गृह मंत्रालय को सुरक्षा बढ़ाने की सिफारिश भेजी गई। गृह मंत्रालय ने इस पर मुहर लगाते हुए Z श्रेणी की सुरक्षा को मंजूरी दे दी।

सीआरपीएफ पर 200 वीआईपी की सुरक्षा की जिम्मेदारी

नवीन के पूर्ववर्ती जेपी नड्डा को भी सरकार की ओर से इसी तरह की सुरक्षा दी गई थी, जिसकी व्यवस्था सीआरपीएफ के वीआईपी सुरक्षा शाखा करती थी। सीआरपीएफ केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह, गांधी परिवार और कई अन्य नेताओं तथा विशिष्ट व्यक्तियों को सुरक्षा प्रदान करता है। वर्तमान में सीआरपीएफ लगभग 200 वीआईपी की सुरक्षा की जिम्मेदारी संभाल रहा है।

क्या होती है Z कैटेगरी की सुरक्षा?

Z कैटेगरी की सुरक्षा भारत में दी जाने वाली प्रमुख वीआईपी सुरक्षा व्यवस्थाओं में से एक है। इसे देश की तीसरी सबसे ऊंची सुरक्षा श्रेणी माना जाता है। इस सुरक्षा में आमतौर पर करीब 22 सुरक्षाकर्मी तैनात रहते हैं, जो 24 घंटे व्यक्ति की सुरक्षा में लगे रहते हैं। इनमें 4 से 6 बेहद प्रशिक्षित कमांडो शामिल होते हैं, जबकि बाकी जवान सीआरपीएफ या राज्य पुलिस से होते हैं।

नितिन नवीन बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष घोषित, पीएम मोदी ने माला पहनाकर किया अभिनंदन

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भारतीय जनता पार्टी में नितिन नवीन को आज आधिकारिक रूप से पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष चुन लिया गया है। बीजेपी के राष्ट्रीय चुनाव अधिकारी डॉ के लक्ष्मण ने नितिन नवीन के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने की घोषणा की। नितिन नवीन की राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में घोषणा किए जाने के बाद प्रधानमंत्री ने माला पहनाकर उनका अभिनंदन किया।

नितिन नवीन बने बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष

भाजपा मुख्यालय के मंच से पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष के तौर पर नितिन नवीन के नाम का आधिकारिक एलान किया गया। नितिन नवीन के नाम का एलान पीएम मोदी की मौजूदगी में किया गया। पीएम मोदी ने नितिन नवीन को भाजपा अध्यक्ष के तौर पर पदभार संभालने के लिए शुभकामनाएं दी और उन्हें पुष्पमाला पहनाई।

जेपी नड्डा ने दीं नितिन नबीन को दीं शुभकामनाएं

पूर्व भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने नितिन नवीन को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि दुनिया की सबसे बड़ी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष के तौर पर नितिन नवीन पदभार संभाल रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह महान पार्टी, जिसे श्यामा प्रसाद मुखर्जी के नेतृत्व में जनसंघ के तौर पर आगे बढ़ने का सौभाग्य मिला। इसी को आगे अटल बिहारी वाजपेयी, लालकृष्ण आडवाणी, कुशाभाऊ ठाकरे ने भाजपा के तौर पर आगे बढ़ाया। जेपी नड्डा ने कहा कि आज बहुत ही ऐतिहासिक अवसर है, जब दुनिया की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में हमारे नौजवान, ऊर्जावान, प्रतिभावान नितिन नवीन ये पदभार संभाल रहे हैं।

मंच पर मौजूद रहे ये बड़े नेता

भाजपा मुख्यालय में मंच पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, पूर्व भाजपा अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह आदि मौजूद रहे।

बीजेपी के नए 'बॉस' बने नितिन नवीन, भाजपा की कमान संभालने से पहले की पूजा-अर्चना

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भारतीय जनता पार्टी को आज नया राष्ट्रीय अध्यक्ष मिलने वाला है। नितिन नवीन को निर्विरोध बीजेपी का राष्ट्रीय अध्यक्ष चुन लिया गया है, जिसका आज औपचारिक ऐलान किया जाएगा। नितिन नवीन को राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए एकमात्र उम्मीदवार घोषित किया। उनके पक्ष में 37 नामांकन पत्र दाखिल किए गए, जिनमें प्रधानमंत्री मोदी का प्रस्ताव भी शामिल था।

भारतीय जनता पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन अब पार्टी के 12वें राष्ट्रीय अध्यक्ष होंगे। वे अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी संभालने से पहले मंदिर पहुंचे और पूजा अर्चना की। नवनिर्वाचित भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन ने दिल्ली के झंडेवालान मंदिर में पूजा-अर्चना की। इसके बाद नवीन दिल्ली के प्रदेश अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा के साथ वाल्मीकि मंदिर में दर्शन किए और पूजा-अर्चना की। साथ ही कनॉट प्लेस इलाके में स्थित हनुमान मंदिर में पूजा-अर्चना की। मंदिरों में दर्शन के बाद नितिन नवीन ने दिल्ली के गुरुद्वारा बंगला साहिब में पहुंचकर प्रार्थना की।

पीएम मोदी की मौजूदगी में ग्रहण करेगे कार्यभार

अध्यक्ष पद का कार्यभार सौंपने का समारोह सुबह 11:30 बजे पार्टी मुख्यालय में आयोजित किया जाएगा। इस विशेष मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेता मौजूद रहेंगे।

45 साल में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष

नितिन नवीन 26 साल की उम्र में पहली बार विधायक बने और अब 45 वर्ष की उम्र में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने जा रहे हैं। राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में उनकी पदोन्नति भाजपा में पीढ़ीगत बदलाव का संकेत है, क्योंकि पार्टी राष्ट्रीय राजनीति पर अपनी पकड़ और मजबूत करना चाहती है। शांत स्वभाव वाले नवीन को इस साल अप्रैल में तमिलनाडु, केरल और असम सहित कई राज्यों में विधानसभा चुनाव के दौरान पार्टी की कमान संभालनी है।

नितिन नवीन आज भाजपा अध्यक्ष पद के लिए करेंगे नामांकन, निर्विरोध चुने जाने की पूरी संभावना

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भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनाव के लिए आज से नामांकन की प्रक्रिया शुरू हो रही है। सोमवार 19 जनवरी को पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन अध्यक्ष पद के चुनाव के लिए अपना नामांकन दाखिल करेंगे। नवीन के निर्विरोध सबसे कम उम्र के अध्यक्ष बनने की संभावना है।

सभी राज्यों से मांगे गए प्रस्ताव

नितिन नवीन के नामांकन में सभी राज्यों से एक-एक प्रस्ताव मंगाया गया है। राज्यों के अलावा नितिन नवीन के प्रस्तावक के रूप में बीजेपी संसदीय दल की तरफ से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह, नितिन गडकरी, राजनाथ सिंह सरीखे पार्टी के प्रमुख नेता भी होंगे।

निर्विरोध चुने जाने की संभावना

पार्टी सूत्रों ने बताया कि भाजपा के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन के पार्टी के 12वें राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में निर्विरोध चुने जाने की संभावना है, क्योंकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह सहित पार्टी नेतृत्व इस पद के लिए उनकी उम्मीदवारी का समर्थन कर रहा है।

दो बजे से चार बजे तक होगा नामांकन

भाजपा के राष्ट्रीय निर्वाचन अधिकारी के. लक्ष्मण द्वारा घोषित चुनाव कार्यक्रम के अनुसार, इस पद के लिए नामांकन सोमवार को अपराह्न दो बजे से चार बजे तक दाखिल किए जाएंगे। चुनाव की प्रक्रिया बीजेपी मुख्यालय में पूरी कराई जाएगी। चुनाव प्रक्रिया पूरी होने के बाद अगले दिन नए पार्टी अध्यक्ष के नाम की घोषणा की जाएगी।

कल होगा नाम का औपचारिक ऐलान

20 जनवरी को औपचारिक रूप से नितिन नवीन की अध्यक्ष के रूप में घोषणा कर दी जाएगी। 20 जनवरी को इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह समेत सभी वरिष्ठ नेता, सभी बीजेपी शासित राज्यों के मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री, प्रदेश अध्यक्ष, प्रदेश संगठन महामंत्री, प्रदेश प्रभारी और राष्ट्रीय पदाधिकारी शामिल होंगे।

भाजपा में कैसे होता है राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव

भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव पार्टी की राष्ट्रीय परिषद और राज्य परिषदों के प्रतिनिधियों से मिलकर बने निर्वाचक मंडल द्वारा किया जाता है। इस प्रक्रिया की देखरेख पार्टी के राष्ट्रीय निर्वाचन अधिकारी द्वारा की जाती है। भाजपा के संविधान के अनुसार, किसी राज्य के निर्वाचक मंडल के कोई भी 20 सदस्य संयुक्त रूप से राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए ऐसे व्यक्ति का नाम प्रस्तावित कर सकते हैं, जो चार कार्यकाल तक सक्रिय सदस्य रहा हो और जिसकी सदस्यता के पंद्रह वर्ष पूरे हो चुके हों। पार्टी संविधान के मुताबिक ऐसा संयुक्त प्रस्ताव कम से कम पांच राज्यों से आना चाहिए जहां राष्ट्रीय परिषद के लिए चुनाव संपन्न हो चुके हैं।

VB–G RAM G को लेकर विपक्ष पर खट्टर का सीधा हमला, जनता को कर रहे है गुमराह

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कांग्रेस काल में घोटाले, BJP ने किया सिस्टम दुरुस्त – मनोहर लाल खट्टर

झारखंड प्रदेश कार्यालय में आज VB–G RAM G को लेकर प्रदेश स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसके समापन के बाद रांची आए हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री व केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने विकसित भारत की परिकल्पना के उद्देश्य से लाया VB–G RAM G योजना है। इस योजना को लेकर विपक्ष लगातार जनता को भ्रमित करने का प्रयास कर रहा है। पूर्व में यह मनरेगा के नाम से जाना जाता था अब इसमें पारदर्शिता के साथ लागू किया गया है। विपक्ष पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस शासनकाल में कई घोटाले हुए और ऑडिट प्रक्रिया भी फर्जी तरीके से की जाती थी...

लेकिन भाजपा सरकार ने इन सभी खामियों को दूर किया है।

मनोहर लाल खट्टर ने बताया कि अब GIS मैपिंग के ज़रिये पूरी योजना की निगरानी की जा रही है, जिससे पारदर्शिता सुनिश्चित हो रही है और किसी भी तरह की गड़बड़ी की गुंजाइश नहीं बची है....

ईडी की रेड पर बिफरीं ममता, बीजेपी ने पूछा-इतनी घबराहट क्यों?

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कोलकाता में I-PAC प्रमुख प्रतीक जैन के घर और दफ्तरों पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की छापेमारी के खिलाफ तृणमूल कांग्रेस ने मोर्चा खोल दिया है। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने 9 जनवरी यानी शुक्रवार को राज्य की राजधानी कोलकाता में विरोध मार्च निकाला। इस बीच बीजेपी ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधा।

ममता बनर्जी ने लोकतांत्रिक प्रक्रिया को शर्मसार किया

केंद्रीय मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि गुरुवार को बंगाल में जो हुआ, वह आजाद भारत में पहले कभी नहीं हुआ। सीएम ममता बनर्जी का पूरा काम न सिर्फ अनैतिक, गैर-जिम्मेदार और असंवैधानिक है, बल्कि उन्होंने पूरी लोकतांत्रिक प्रक्रिया को शर्मसार कर दिया है।

रविशंकर ने पूछा- ममता क्यों घबरा गई हैं

बीजेपी कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस में सांसद रविशंकर प्रसाद ने कहा, रेड निजी कंपनी के दफ्तर पर थी। हमें नहीं समझ आता कि इसमें ममता क्यों घबरा गई हैं। उन्हें डर है कि उनके घोटालों के राज खुल जाएंगे। जांच को रोकना कानून का उल्लंघन है। ममता का हिसाब जनता करेगी।'

ED के अधिकारियों को धमकाने का आरोप

रविशंकर ने आरोप लगाया कि ममता बनर्जी बंगाल में कोई जांच नहीं होने देती हैं। उन्होंने ED के अधिकारियों को भी धमकाया है। रविशंकर ने कहा कि मैं आपको बता दूं कि ये रेड न तो ममता बनर्जी के घर पर थी, न उनके दफ्तर में, न ही टीएमसी के दफ्तर में और न ही टीएमसी के किसी नेता या मंत्री के घर पर थी। ये रेड एक निजी कंसल्टेंसी फर्म पर थी, जिसके यहां करोड़ों रुपये की मनी लॉन्ड्रिंग की शिकायत आई थी। ऐसे में ममता बनर्जी अपने पुलिस अधिकारियों के साथ जाती हैं और ईडी के लोगों को धमकाया जाता है। ममता बनर्जी उनसे बहस करती हैं और पेपर छीन कर चली जाती हैं। उनका आचरण न केवल अमर्यादित और शर्मनाक है, बल्कि उन्होंने इससे संवैधानिक मर्यादाओं को भी तार-तार किया है।

बंगाल कोयले की स्मगलिंग का एक बहुत बड़ा हॉट स्पॉट

बीजेपी सांसद ने आगे कहा, ममता बनर्जी के राज में पश्चिम बंगाल का हाल बेहाल हो गया है। आपको मालूम है कि बंगाल कोयले की स्मगलिंग का एक बहुत बड़ा हॉट स्पॉट है, जिसमें सत्ताधारी दल के लोग भी शामिल हैं।

कर्नाटक में हिरासत के दौरान बीजेपी महिला कार्यकर्ता से बदसलूकी, पुलिस पर सनसनीखेज आरोप

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कर्नाटक के हुब्बली शहर में मंगलवार को पुलिस हिरासत के दौरान एक भाजपा महिला कार्यकर्ता से मारपीट का मामला सामने आया। महिला ने कपड़े फाड़े जाने का भी आरोप लगाया है। बीजेपी कार्यकर्ता को कांग्रेस पार्षद की शिकायत पर हिरासत में लिया गया था।

घटना से जुड़ा वीडियो सामने आया है, जिसमें महिला कार्यकर्ता को बस के अंदर पुरुष और महिला पुलिसकर्मियों से घिरा देखा जा सकता है। आरोप है कि हिरासत के दौरान महिला ने पुलिस कार्रवाई पर आपत्ति जताई और विरोध किया। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने उसके साथ मारपीट की। इस दौरान उसके कपड़े भी फट गए।

विरोध करने पर काउंटर केस दर्ज

पुलिस का कहना है कि हिरासत के दौरान महिला ने विरोध किया और पुलिसकर्मियों के साथ दुर्व्यवहार किया। इसके बाद पुलिस ने महिला के खिलाफ काउंटर शिकायत दर्ज की।पुलिस ने बताया कि महिला के खिलाफ दर्ज मामलों में भारतीय दंड संहिता की धारा 307 के तहत मामला भी शामिल है।

कांग्रेस पार्षद की शिकायत के बाद गिरफ्तारी

जानकारी के अनुसार, कांग्रेस पार्षद सुवर्णा कल्लाकुंतला की शिकायत के आधार पर महिला को हिरासत में लिया गया था। यह विवाद राज्य में मतदाता सूची पुनरीक्षण प्रक्रिया के दौरान शुरू हुआ, जिसमें बीजेपी और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच पहले भी टकराव हुआ था। सूत्रों के अनुसार, महिला पूर्व में कांग्रेस कार्यकर्ता रही हैं और हाल ही में उन्होंने बीजेपी जॉइन किया था। आरोप है कि उन्होंने कुछ मतदाताओं के नाम हटाने में अधिकारियों की मदद की, जिससे राजनीतिक तनाव बढ़ा।

बीजेपी ने महिला सुरक्षा पर उठाया सवाल

भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने ट्वीट कर कर्नाटक में महिला सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि अगर किसी महिला की मर्यादा भंग की जाए, उसके कपड़े फाड़े जाएं और पुलिस द्वारा इस तरह से मारपीट की जाए, तो यह साफ दिखाता है कि कांग्रेस शासन में महिलाओं की सुरक्षा की क्या हालत है। उन्होंने तंज कसते हुए पूछा, "क्या यही है ‘लड़की हूं, लड़ सकती हूं’?" क्या यही राजनीतिक असहमति का अधिकार है कि एक भाजपा की महिला कार्यकर्ता के साथ ऐसा व्यवहार किया जाए? शहजाद पूनावाला ने इस घटना को शर्मनाक बताते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी के शासन में महिलाएं अब सुरक्षित नहीं हैं और इस तरह की घटनाएं बेहद निंदनीय हैं।

महाराष्ट्र में गजब का सियासी खेल! भाजपा ने कांग्रेस ने मिला लिया हाथ

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कहा जाता है राजनीति में कुछ भी असंभव नहीं है। महाराष्ट्र की सियासत में ऐसा ही कुछ देखा जा रहा है। कांग्रेस-मुक्त भारत का नारा लगाने वाली भाजपा ने ठाणे में अंबरनाथ नगर परिषद में सीधे कांग्रेस से हाथ मिला लिया है। कांग्रेस से गठबंधन कर भाजपा ने अंबरनाथ नगर परिषद में सत्ता हासिल कर ली।

भाजपा और कांग्रेस का दुर्लभ गठबंधन

हाल ही में हुए स्थानीय निकाय चुनावों के बाद अंबरनाथ नगर पालिका में भाजपा और कांग्रेस का एक दुर्लभ गठबंधन सामने आया है। इस गठबंधन ने राजनीतिक विश्लेषकों और पार्टी कार्यकर्ताओं को आश्चर्यचकित कर दिया है। भाजपा ने कांग्रेस और अजीत पवार के नेतृत्व वाली राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के पार्षदों के साथ मिलकर अंबरनाथ विकास अघाड़ी का गठन किया है और मुंबई क्षेत्र की एक नगर परिषद पर नियंत्रण हासिल कर लिया है। इस गठबंधन से शिवसेना सत्ता से बाहर हो गई है।

शिवसेना सत्ता से दूर रखने के लिए कांग्रेस का साथ

भाजपा-कांग्रेस के इस सियासी खेल ने महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना को अंबरनाथ में हाशिए पर धकेल दिया है। चौंकाने वाली बात है कि भाजपा ने शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना को अंबरनाथ नगर परिषद में सत्ता से दूर रखने के लिए कांग्रेस का समर्थन लिया है।

किसे कितनी सीटें मिलीं

चुनाव पिछले महीने हुए थे, जिसमें शिवसेना और बीजेपी, राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर सहयोगी होने के बावजूद, अलग-अलग चुनाव लड़े थे। 60 सदस्यीय परिषद में, शिवसेना सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी और उसने 27 सीटें जीतीं। लेकिन बहुमत से थोडा दूर रह गई। भाजपा को 14 सीटें मिलीं, जबकि कांग्रेस ने 12 सीटें जीतीं। अजीत पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी ने चार सीटें जीतीं और दो निर्दलीय उम्मीदवार भी निर्वाचित हुए।

"अंबरनाथ विकास अघाड़ी" का गठन

शिवसेना को नगर निगम अध्यक्ष पद के चुनाव में झटका लगा, जहां उसकी उम्मीदवार मनीषा वालेकर भाजपा उम्मीदवार तेजश्री करंजुले पाटिल से हार गईं। शिंदे सेना सोच रही थी की बीजेपी उनके साथ मिलकर नगर परिषद में सरकार बनाएगी लेकिन ऐसा नहीं हुआ। बीजेपी ने शिंदे सेना के बजाय कांग्रेस से हाथ मिला लिया और नगर परिषद में सत्ता स्थापित कर ली। स्थानीय स्तर पर कांग्रेस के साथ मिलकर सत्ता स्थापित करना का फैसला लिया गया। इस गठबंधन को "अंबरनाथ विकास अघाड़ी" नाम दिया गया है।

ये है गठबंधन का गणित

अंबरनाथ में घोषित गठबंधन में 14 भाजपा पार्षद, भाजपा समर्थित नगर अध्यक्ष, 12 कांग्रेस पार्षद, चार एनसीपी (अजीत पवार गुट) पार्षद और एक निर्दलीय पार्षद शामिल हैं। गठबंधन की कुल संख्या 32 हो गई है, जो 60 सदस्यीय परिषद में बहुमत का आंकड़ा पार कर जाती है।

शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में रोष

भाजपा की ओर से मिले इस झटके के बाद शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में काफी रोष नजर आ रहा है। इस मामले पर शिवसेना (शिंदे गुट) के सांसद श्रीकांत शिंदे ने कहा कि अंबरनाथ में भाजपा और कांग्रेस का गठबंधन हुआ है, तो इसका जवाब भी उनके ही नेताओं को देना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह फैसला शिवसेना का नहीं है और न ही इस पर शिवसेना को सफाई देने की जरूरत है।