गोरखपुर जोन की 51वीं अन्तर्जनपदीय जूडो क्लस्टर प्रतियोगिता में पेंचक सिलाट, कराटे, बुशु एवं ताइक्वान्डो प्रतियोगिताओं के रोमांचक मुकाबले सम्पन्न
गोण्डा। आज दिनांक 15.05.2026 को रिजर्व पुलिस लाइन गोण्डा स्थित अमर शहीद राजेन्द्र नाथ लाहिड़ी बहुउद्देशीय हॉल में आयोजित 51वीं अन्तर्जनपदीय जूडो क्लस्टर प्रतियोगिता के द्वितीय दिवस पेंचक सिलाट, कराटे, बुशु एवं ताइक्वान्डो प्रतियोगिताओं के पुरुष एवं महिला वर्ग के विभिन्न भार वर्गों में रोमांचक मुकाबले आयोजित किए गए। प्रतियोगिता में प्रतिभागी खिलाड़ियों ने उत्कृष्ट तकनीकी कौशल, अनुशासन एवं खेल भावना का परिचय देते हुए शानदार प्रदर्शन किया। पेंचक सिलाट प्रतियोगिता में जनपद गोण्डा के जान मोहम्मद, गोरखपुर के नरेन्द्र, अक्षय कुमार एवं जयसूर्या, बस्ती के तवरेज आलम एवं रामदरश तथा सिद्धार्थनगर के कृष्ण मोहन साहनी ने अपने-अपने भार वर्ग में प्रथम स्थान प्राप्त कर अपने जनपद का गौरव बढ़ाया। जूडो महिला वर्ग में कुल 08 मुकाबले आयोजित किए गए, जिनमें खिलाड़ियों ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए प्रतियोगिता को अत्यंत प्रतिस्पर्धात्मक बनाया। इस प्रतियोगिता में बस्ती की शीतल देवी, सीमा गुप्ता, अनुराधा, सविता राय एवं महेलखां खान, देवरिया की सुनीता तथा बहराइच की अनुप्रिया ने अपने-अपने भार वर्ग में प्रथम स्थान प्राप्त किया। ताइक्वान्डो पुरुष वर्ग प्रतियोगिता में सिद्धार्थनगर के अतुल पटेल एवं संदीप सिंह, बहराइच के गिरजाशंकर तथा संतकबीरनगर के अंजेश गुप्ता एवं आदित्य ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। वहीं महिला वर्ग में गोण्डा की अंशिका भारती, संध्या रावत एवं रूचि यादव, कुशीनगर की क्षमा सिंह तथा बस्ती की शालू वर्मा ने अपने-अपने वर्ग में प्रथम स्थान हासिल किया। कराटे पुरुष वर्ग प्रतियोगिता में गोण्डा के धर्मेन्द्र कुमार एवं ओंकार विश्वकर्मा तथा कुशीनगर के सुजीत पटेल एवं महेन्द्र यादव ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए प्रथम स्थान प्राप्त किया। महिला कराटे प्रतियोगिता में सिद्धार्थनगर की संगीता निषाद, सुषमा रावत, कीर्ति सिंह एवं संगीता देवी विजेता रहीं। बुशु पुरुष वर्ग प्रतियोगिता में सिद्धार्थनगर के सतीश मौर्या, अजीत यादव,  संतकबीरनगर के सन्नी जायसवाल एवं दुर्गेश कुमार, महराजगंज के शत्रुधन तथा बस्ती के राकेश यादव व रोमित यादव ने अपने-अपने भार वर्ग में प्रथम स्थान प्राप्त किया। वहीं बुशु महिला प्रतियोगिता में देवरिया की ममता, सीमा मौर्या एवं सरिता, कुशीनगर की खुशबू सिंह तथा गोरखपुर की शशी यादव ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए प्रथम स्थान प्राप्त किया। प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया गया तथा खेलों के माध्यम से अनुशासन, आत्मविश्वास एवं आपसी समन्वय की भावना को बढ़ावा देने पर बल दिया गया।
वट सावित्री व्रत पर सुहागिनों ने पति की  लंबी उम्र सुख समृद्धि के लिए महिलाओं ने की पूजा अर्चना
रितेश मिश्रा
हरदोई शनिवार को वट सावित्री व्रत श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। सुबह से ही सुहागिन महिलाएं सज-धज कर वट वृक्ष के नीचे पहुंचीं और विधि-विधान से पूजन कर पति की दीर्घायु, सुख-समृद्धि व अखंड सौभाग्य की कामना की।
महिलाओं ने वट वृक्ष पर कच्चा धागा लपेटते हुए पूजा-अर्चना की तथा सावित्री-सत्यवान की कथा सुनकर परिवार की खुशहाली की दुआ मांग रही है। मंदिरों और वट वृक्षों के आसपास सुबह से ही महिलाओं की भीड़ देखने को मिली। कई स्थानों पर सामूहिक रूप से पूजा कार्यक्रम भी आयोजित किए किए जा रहे हैं।
पूजन के दौरान महिलाओं ने फल, फूल, मिठाई, भीगा चना, पूड़ी-पकवान आदि अर्पित किए। पारंपरिक परिधानों और श्रृंगार में पहुंचीं महिलाओं ने एक-दूसरे को व्रत की शुभकामनाएं भी दे रही है।
मान्यता है कि माता सावित्री ने अपने तप और संकल्प से यमराज से पति सत्यवान के प्राण वापस प्राप्त किए थे। इसी आस्था के चलते सुहागिन महिलाएं यह व्रत रखकर पति की लंबी आयु और वैवाहिक जीवन की सुख-शांति की कामना करती हैं।
झारखंड और कर्नाटक के बीच व्यापार-निवेश सहयोग को नई गति, रांची में हुई अहम बैठक

शुक्रवार को चेम्बर भवन में फेडरेशन ऑफ झारखंड चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज और बेल्लारी डिस्ट्रिक्ट चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री, कर्नाटक के बीच व्यापार और निवेश की संभावनाओं को लेकर हुए एक अहम बैठक में उद्योग सचिव श्री अरावा राजकमल ने कहा कि औद्योगिक दृष्टिकोण से झारखंड एक बेहद समृद्ध राज्य है। यहाँ विशाल खनिज संसाधन हैं और यह एक प्रमाणित औद्योगिक पावरहाउस रहा है। हमारे राज्य के भीतर की औद्योगिक इकाइयाँ इसके औद्योगिक कौशल का प्रमाण हैं। उन्होंने कहा कि बेल्लारी खनन, विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग) और आईटी क्षेत्रों में अग्रणी है, और दोनों राज्यों के बीच आपसी सीखने और सहयोग के व्यापक अवसर हैं। उन्होंने देखा कि झारखंड चेम्बर ने राज्यों के बीच औद्योगिक संवाद को बढ़ावा देने की एक उत्कृष्ट परंपरा शुरू की है—एक ऐसी पहल जिसके निकट भविष्य में सकारात्मक परिणाम मिलने की उम्मीद है।वे शुक्रवार को चेम्बर भवन में आयोजित फेडरेशन ऑफ झारखंड चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज और बेल्लारी डिस्ट्रिक्ट चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री, कर्नाटक के बीच व्यापार और निवेश की संभावनाओं को लेकर एक संयुक्त बैठक में राज्य के आर्थिक विकास का दृष्टिकोण रख रहे थे।

राज्य में इको टूरिज्म, क्रिटिकल मिनरल्स, टेक्सटाइल और रेडीमेड गारमेंट्स, फूड प्रोसेसिंग और सुपर फूड्स क्षेत्रों में जबरदस्त क्षमता

श्री अरवा राजकमल ने आगे कहा कि झारखंड में उद्योग तेजी से आगे बढ़ रहे हैं और मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन राज्य के विकास को लेकर एक दूरदर्शी दृष्टिकोण रखते हैं। मुख्यमंत्री का दृष्टिकोण खनन क्षेत्र में खनिज खनन से लेकर हाई-एंड सॉल्यूशंस तक एक संपूर्ण मूल्य श्रृंखला (वैल्यू चेन) बनाने का है। मुख्यमंत्री का इसी तरह का दृष्टिकोण महिला उद्यमिता को आधारशिला बनाकर राज्य में कृषि और खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र को सकारात्मक रूप से बदलने का है। उन्होंने कहा कि राज्य में इको टूरिज्म, क्रिटिकल मिनरल्स (महत्वपूर्ण खनिज), टेक्सटाइल और रेडीमेड गारमेंट्स, फूड प्रोसेसिंग और सुपर फूड्स क्षेत्रों में जबरदस्त क्षमता है।

उद्योग विभाग निवेशकों को हर संभव सहायता प्रदान करने के लिए हमेशा तत्पर

उद्योग निदेशक श्री विशाल सागर ने डेलीगेट्स को झारखंड में निवेश करने के लिए आमंत्रित किया। उन्होंने उल्लेख किया कि झारखंड ने इस वर्ष पहली बार दावोस में विश्व आर्थिक मंच (WEF) में भाग लिया था, जहाँ मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व वाले प्रतिनिधिमंडल में झारखंड चेम्बर भी शामिल था। माननीय मुख्यमंत्री ने राज्य में निवेश के अवसरों तलाशने के लिए यूनाइटेड किंगडम (यूके) के एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व भी किया था। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार रोजगार सृजन और औद्योगिक विकास के लिए प्रतिबद्ध है। राज्य के भीतर भारी निवेश क्षमता पर जोर देते हुए उन्होंने इस बात पर प्रकाश डाला कि खाद्य प्रसंस्करण (फूड प्रोसेसिंग), पर्यटन और कृषि क्षेत्र निवेश के व्यापक अवसर प्रदान करते हैं। उन्होंने आगे जोड़ा कि उद्योग विभाग निवेशकों को हर संभव सहायता प्रदान करने के लिए हमेशा तत्पर है।

बैठक के दौरान झारखंड और कर्नाटक के उद्योग और व्यापार प्रतिनिधियों के बीच व्यावसायिक विचारों, निवेश के अवसरों, औद्योगिक सहयोग और व्यापार विस्तार को लेकर विस्तृत विचार-विमर्श हुआ। दोनों राज्यों के प्रतिनिधियों ने भविष्य में औद्योगिक विकास को बढ़ावा देने के लिए आपसी समन्वय के साथ मिलकर काम करने की आवश्यकता पर बल दिया।

चेम्बर के महासचिव श्री रोहित अग्रवाल ने बेल्लारी डिस्ट्रिक्ट चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री, कर्नाटक के प्रतिनिधिमंडल का स्वागत करते हुए कहा कि यह बैठक उद्योग, निवेश, पर्यटन और व्यापार सहयोग में एक नए अध्याय की शुरुआत है। झारखंड और कर्नाटक के उद्यमियों के बीच सीधे संवाद से व्यापार सहयोग को नई गति मिलेगी।झारखंड चेम्बर के अध्यक्ष श्री आदित्य मल्होत्रा ने कहा कि झारखंड और कर्नाटक दोनों में निवेश की अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने उल्लेख किया कि झारखंड तेजी से औद्योगिक विकास के एक नए चरण में प्रवेश कर रहा है। राज्य की टेक्सटाइल नीति (कपड़ा नीति) आकर्षक है, और जल्द ही एक नई औद्योगिक नीति जारी होने वाली है, जो निवेशकों के लिए एक सुनहरा अवसर पेश करेगी। उन्होंने रेखांकित किया कि झारखंड एक खनिज-समृद्ध राज्य है, जो लिथियम, मैंगनीज और बॉक्साइट सहित विभिन्न खनिजों से संपन्न है। राज्य बिजली-सरप्लस (अधिशेष बिजली वाला) है और यहाँ कुशल जनशक्ति की कोई कमी नहीं है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि माननीय मुख्यमंत्री के नेतृत्व में झारखंड राज्य निवेश और उद्योग के क्षेत्रों में एक अग्रणी राज्य के रूप में उभरेगा।

बेल्लारी में निवेश की संभावनाओं पर बोलते हुए, बेल्लारी डिस्ट्रिक्ट चेम्बर के अध्यक्ष श्री अव्वारु मंजूनाथ ने झारखंड के उद्यमियों को कर्नाटक में निवेश करने का निमंत्रण दिया। बेल्लारी चेम्बर के पदाधिकारियों ने झारखंड चेम्बर को बेंगलुरु में आयोजित होने वाले एमएसएमई (MSME) कॉन्क्लेव में शामिल होने के लिए भी आमंत्रित किया। बैठक के दौरान दोनों राज्यों के उद्यमियों और व्यापारियों ने अपने-अपने व्यवसायों का परिचय दिया और विचारों का आदान-प्रदान किया।कार्यक्रम के दौरान बेल्लारी चेम्बर द्वारा उद्योग सचिव और उद्योग निदेशक को सम्मानित किया गया।

आजमगढ़: तहबरपुर में शैक्षिक संगोष्ठी का आयोजन वर्तमान परिवेश में शैक्षिक समस्याएं और शिक्षकों की भूमिका पर चर्चा
आजमगढ़। तहबरपुर विकासखंड के अंतर्गत 1 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष में ब्लॉक सभागार में एक शैक्षिक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। वर्तमान परिवेश में शैक्षिक समस्याएं एवं शिक्षकों की भूमिका विषय पर केंद्रित इस संगोष्ठी का शुभारंभ मुख्य अतिथि डॉ राम उजागर शुक्ला ने मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन कर किया। इस अवसर पर बच्चों ने सरस्वती वंदना की मनोहारी प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विशिष्ट अतिथियों का सम्मान किया गया सभागार को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष डॉक्टर राम उजागर शुक्ला ने कहा कि बदलते परिवेश में नई शैक्षिक चुनौतियां सामने आ रही हैं शिक्षकों ने हमेशा समाज को दिशा और गति प्रदान की है उन्होंने शिक्षक समुदाय से इन समस्याओं का सर्वमान्य समाधान खोजने के लिए आगे आने का आह्वान किया। जिला महामंत्री रवि शंकर यादव ने आधुनिक शैक्षिक तकनीक के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि शिक्षकों को तकनीक के प्रयोग को एक अवसर के रूप में देखना चाहिए उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि सरकार धीरे-धीरे शिक्षकों क परिलब्धियों को समाप्त कर रही है। रमोद यादव ने शिक्षकों से अपने उत्कृष्ट कार्यो के माध्यम से समाज में एक उदाहरण प्रस्तुत करने का आग्रह किया और वर्तमान समय में संगठित होकर संघर्ष करने की आवश्यकता पर जोर दिया। जिला उपाध्यक्ष उदय प्रताप राय ने पिछले 1 वर्ष में उत्तर प्रदेश प्रारंभिक शिक्षक समिति द्वारा शिक्षक हित में किए गए कार्यों की जानकारी दी उन्होंने बताया कि समिति विद्यालयों के पेयरिंग/ मर्जर, चयन वेतनमान, टेट की अनिवार्यता के विरोध, जनगणना 2026 तथा परिषदीय विद्यालयों में साफ सफाई जैसे विभिन्न सामाजिक, सांस्कृतिक एवं राष्ट्रीय हित के मुद्दों पर सक्रिय भूमिका निभा रही हैं। इस संगोष्ठी की अध्यक्षता नर्वदेश्वर उपाध्याय ने की जबकि संचालन स्वामीनाथ यादव ने किया।
महंगाई, बेरोजगारी और कॉर्पोरेटपरस्ती ने देश को संकट में धकेला : विनोद पांडेय

भारतीय जनता पार्टी नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने पिछले 11 वर्षों में देश की आम जनता को राहत देने के बजाय लगातार संकट, महंगाई और असुरक्षा की स्थिति में धकेलने का काम किया है। आज देश का मध्यम वर्ग, किसान, मजदूर, युवा और छोटे व्यापारी सभी आर्थिक दबाव और अस्थिरता से जूझ रहे हैं, जबकि सत्ता पक्ष केवल प्रचार, इवेंट प्रबंधन और बड़े उद्योगपतियों के हित साधने में व्यस्त दिखाई देता है।

नोटबंदी के दौरान आम लोगों को घंटों बैंक की कतारों में खड़ा रहना पड़ा। कोविड काल में अस्पताल, ऑक्सीजन और दवाइयों के लिए जनता त्राहिमाम करती रही। आज भी रसोई गैस, पेट्रोल-डीज़ल, खाद्य सामग्री और रोजमर्रा की जरूरतों की बढ़ती कीमतों ने आम परिवारों का बजट बिगाड़ दिया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट आने के बावजूद जनता को राहत नहीं दी गई, जबकि तेल कंपनियां रिकॉर्ड मुनाफा कमा रही हैं। यह स्पष्ट करता है कि केंद्र सरकार की प्राथमिकता जनता नहीं, बल्कि कॉर्पोरेट हित हैं।

भाजपा सरकार लगातार जनता को त्याग, बचत और राष्ट्रहित का उपदेश देती है। पेट्रोल कम खर्च करो, विदेश मत जाओ, डॉलर बचाओ। लेकिन, दूसरी ओर बड़े उद्योगपतियों के विदेशी निवेश और विशेष आर्थिक सुविधाओं पर कोई सवाल नहीं उठाया जाता। आम नागरिकों पर राष्ट्रभक्ति का बोझ डाला जाता है, जबकि सत्ता के करीब बैठे लोगों को हर प्रकार की छूट दी जाती है। यह दोहरी नीति देश के लोकतांत्रिक और सामाजिक संतुलन के लिए घातक है।

देश को एक ऐसी सरकार की आवश्यकता है जो जनता को राहत दे, रोजगार सृजित करे, महंगाई नियंत्रित करे और सामाजिक सौहार्द बनाए रखे। दुर्भाग्य से वर्तमान केंद्र सरकार ने बेरोज़गारी, आर्थिक असमानता, सामाजिक तनाव और विभाजनकारी राजनीति को बढ़ावा देने का कार्य किया है।

झारखंड मुक्ति मोर्चा स्पष्ट रूप से मानता है कि लोकतंत्र में सरकार जनता के प्रति जवाबदेह होती है, न कि चुनिंदा पूंजीपतियों के प्रति। जनता अब सवाल पूछ रही है और आने वाले समय में देश की जनता अपने लोकतांत्रिक अधिकारों के माध्यम से इसका जवाब भी देगी।

राष्ट्र निर्माण में शिक्षक अग्रणी — शिक्षा उन्नयन संगोष्ठी व 58 सेवानिवृत्त शिक्षकों का सम्मान समारोह,
  संजीव सिंह बलिया| नगरा — आमंत्रण मैरिज हाल गोठाई नगरा में शुक्रवार को आयोजित शिक्षा उन्नयन संगोष्ठी का भव्य आयोजन किया गया, जिसमें 58 सेवानिवृत्त शिक्षकों को उनके उत्कृष्ट शैक्षिक योगदान के लिए सम्मानित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जितेन्द्र सिंह ने की और मुख्य अतिथि के रूप में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मनीष कुमार सिंह उपस्थित रहे।कार्यक्रम की शुरुआत जिलाध्यक्ष जितेन्द्र सिंह व बी.ई.ओ. आर. पी. सिंह द्वारा माँ सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण, पुष्पांजलि तथा दीप प्रज्वलन के साथ हुई। मुख्य अतिथि व विशिष्ट अतिथियों का समस्त शिक्षकों ने अंगवस्त्रम्, स्मृति चिह्न एवं शीष पुंज देकर सम्मानित कर स्वागत व अभिनंदन किया।जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मनीष कुमार सिंह ने अपने सम्बोधन में कहा कि शिक्षा ही व्यक्ति के समस्त समस्याओं का समाधान प्रस्तुत करती है। उन्होंने सेवा निवृत्त शिक्षकों के योगदान की सराहना करते हुए उन्हें स्मृति चिह्न, अंगवस्त्रम्, धार्मिक पुस्तक, छाता तथा बैग देकर सम्मानित किया। कार्यक्रम में कुल 58 सेवानिवृत्त शिक्षकों को औपचारिक रूप से सम्मानित किया गया।खंड शिक्षा अधिकारी नगरा राम प्रताप सिंह ने सभी शिक्षकों से आग्रह किया कि वे बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए समर्पित होकर अपना योगदान देते रहें। उन्होंने कहा कि शिक्षक राष्ट्र निर्माण की अग्रणी पंक्ति में हैं और उनकी भूमिका समाज के सर्वांगीण विकास के लिए अनिवार्य है।कार्यक्रम में उपस्थित अन्य शिक्षकों और पदाधिकारियों में  मंत्री ओमप्रकाश,ए.आर.पी. सुदीप तिवारी, विश्वामित्र सिंह, अभिषेक यादव, आशुतोष कुमार सिंह, शशिकांत सक्सेना, डॉ. विद्यासागर उपाध्याय, विनोद भारती, हेमंत यादव, राम प्रवेश वर्मा, अशोक शर्मा, बच्चालाल, कृष्ण कुमार सिंह, अभिनंदन सिंह आदि की गरिमामयी उपस्थिति रही। दयाशंकर ने निपुण शपथ ग्रहण कराई।कार्यक्रम को जिला मंत्री डा . राजेश पांडेय, सुनील सिंह, विद्यासागर दूबे, अजय सिंह तथा अन्य शिक्षक पदाधिकारियों ने सम्बोधित किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे त्रिवेणी सिंह ने कहा कि सेवानिवृत्त शिक्षक अपने सामाजिक व शैक्षिक दायित्वों का निर्वाह करते रहेंगे और युवा शिक्षकों के लिए प्रेरणा स्रोत बने रहेंगे।समापन के अवसर पर राष्ट्र वंदना, भारत माता वंदे मातरम् जय घोष के साथ कार्यक्रम समाप्त किया गया। कार्यक्रम का संचालन अध्यक्ष वीरेंद्र प्रताप यादव ने किया।
संजय शर्मा ने गायक के रूप में बनाई अपनी विशिष्ट पहचान
प्रयागराज।  भजन सम्राट अनूप जलोटा से मुलाकात तथा शिष्य संजय की प्रस्तुति से दिल का जितना मानों जनपद में एक गीतकार का पहचान बन गया।संजय शर्मा कथा-कीर्तन और भजन गायन से जुड़े हैं और उत्तर प्रदेश के अलग-अलग जिलों में कार्यक्रम करते हैं।प्रयागराज संगीत के लिए पुराना केंद्र रहा है।प्रयाग संगीत समिति हर साल अखिल भारतीय संगीत प्रतियोगिता कराती है।ऐसे माहौल में स्थानीय भजन गायक संजय शर्मा जैसे कलाकार सक्रिय भूमिका में रहते हैं।आप आकाशवाणी प्रयागराज के उद्घोषक भी हैं।संजय शर्मा विश्व विख्यात पद्मश्री भजन सम्राट अनूप जलोटा को अपना गुरु मानते हैं।अनूप जलोटा की उपस्थिति में उनके साथ गीत सुनाकर श्रोताओं का दिल जीत लिया साथ ही साथ जलोटा के प्रिय शिष्य बन गये। संजय शर्मा विगत दिनों एक कार्यक्रम से लौट रहे थे जहां आकस्मिक दुर्घटना हुई जिसमें उनके पैर क्षतिग्रस्त हुए हड्डी के विशेषज्ञों ने आपरेशन किया। जनपद के कुछ गीतकार एवं समाजसेवियों ने शिष्टाचार मुलाकात की एवं कुछ ने दूरभाष से स्वास्थ्य ठीक होने की खबर मिली।संजय शर्मा के वैवाहिक वर्षगांठ पर 15 मई 2026 को सभी शुभचिंतकों ने शुभकामनाएं एवं बधाइयां दी तथा उत्तम स्वास्थ्य की कामना की।मुंबई से कवि एवं पत्रकार विनय शर्मा दीप,गीतकार रविन्द्र कुमार शर्मा दीप,प्रमोद कुमार प्रेमी,अधिवक्ता एवं कवि अनिल शर्मा,युवा नेता अनिल कुमार शर्मा,सेन हरिकेश शर्मा नंदवंशी,सेन प्रदीप कुमार शर्मा नंदवंशी,मनोज जगदीश शर्मा, श्रीमती राधा संतोष शर्मा, उद्योगपति कलेक्टर शर्मा, संतोष निरंकार शर्मा,नई उम्मीद फाउंडेशन के अध्यक्ष चंद्रभूषण शर्मा, डॉ संजय शर्मा, डॉ संतोष शर्मा,डॉ एस आर श्रीवास,डॉ प्रहलाद शर्मा,बाबुल्ले शर्मा,जे पी शर्मा अध्यक्ष अखिल भारतीय सविता महासंघ, अधिवक्ता राजेश कुमार शर्मा, अधिवक्ता अनुज कुमार सेन, अधिवक्ता श्यामू शर्मा आदि ने शुभकामनाएं दीं।
प्रथम चरण से पहले संचालित स्व गणना अभियान में मीडिया कर्मियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और सूचीवद्ध कराया

फर्रुखाबाद l जनगणना-2027 के प्रथम चरण से पूर्व संचालित स्व-गणना अभियान के अंतर्गत जनपद के समस्त मीडिया कर्मियों हेतु एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी डॉक्टर अंकुर लाठर के निर्देश पर आयोजित किया गया। कार्यक्रम का संचालन जिला सूचना अधिकारी के नेतृत्व में किया गया।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित समस्त मीडिया प्रतिनिधियों को जनगणना-2027 के अंतर्गत संचालित स्व-गणना प्रक्रिया के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की गई। अवगत कराया गया कि भारत सरकार द्वारा जनगणना-2027 के प्रथम चरण से पूर्व स्व-गणना अभियान 07 से 21 मई 2026 तक संचालित किया जा रहा है, जिसके अंतर्गत नागरिक स्वयं ऑनलाइन माध्यम से अपनी जनगणना संबंधी जानकारी दर्ज कर सकते हैं।
इस मौके पर उपस्थित मीडिया कर्मियों को स्व-गणना पोर्टल
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पर ऑनलाइन स्व-गणना की प्रक्रिया का प्रदर्शन करते हुए स्व-गणना कराई गई। अधिकारियों द्वारा पोर्टल पर उपलब्ध सुविधाओं, आवश्यक दस्तावेजों तथा स्व-गणना की चरणबद्ध प्रक्रिया की जानकारी भी साझा की गई।
जिला सूचना एवं सम्पर्क अधिकारी द्वारा मीडिया प्रतिनिधियों से अपेक्षा की गई कि वे जनसामान्य को स्व-गणना के प्रति जागरूक करते हुए अधिक से अधिक लोगों को इस अभियान से जोड़ने में सहयोग प्रदान करें, ताकि जनगणना प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी एवं प्रभावी बनाया जा सके।
कार्यक्रम में उपस्थित मीडिया कर्मियों ने स्व-गणना अभियान की सराहना करते हुए इसे जनसहभागिता बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया।
महिला आरोग्य समिति की सदस्य डायरिया नियंत्रण में निभाएंगी भूमिका, शून्य से पांच साल तक के बच्चों को डायरिया से बचाव का दिया संदेश,दस्त के बाद बच
फर्रुखाबाद l 16 जून से शुरू होने वाले डायरिया रोको अभियान को सफल बनाने के लिए अभी से विभाग ने तैयारी शुरू कर दी है l इसी क्रम में शुक्रवार को डायरिया से डर नहीं कार्यक्रम के तहत शहर के मोहल्ला कूंचा भवानी दास में नगरीय स्वास्थ्य केंद्र रकाबगंज की चिकित्साधिकारी डॉ. शोभा सक्सेना की अध्यक्षता में महिला आरोग्य समिति की बैठक हुई l बैठक में उन्होंने समिति की सदस्यों से डायरिया नियंत्रण अभियान को सफल बनाने की अपील के साथ ही बच्चों को डायरिया से सुरक्षित बनाने के जरूरी टिप्स भी दिए l
बैठक के दौरान डायरिया ग्रसित दो बच्चों को देखा गया और उनको ओआरएस और जिंक निर्धारित मात्रा में देते हुए उसके प्रयोग के बारे में भी विस्तार से जानकारी भी दी गयी। इसके साथ ही बैठक में उपस्थित लोगों को टीकाकरण, आयुष्मान भारत योजना, परिवार नियोजन के साधनों के उपयोग व अन्य स्वास्थ्य योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया गया l
डॉ. शोभा ने कहा कि बच्चों की सही देखभाल के साथ स्वास्थ्य का पूरा ख्याल रखा जाए ताकि बच्चे डायरिया समेत अन्य संक्रामक बीमारियों से सुरक्षित बने रहेंl डायरिया से बचने के लिए हमें अपनी नजदीक की आशा कार्यकर्ता से संपर्क करना चाहिए l उन्होंने कहा कि दिन भर में अगर बच्चे को दो या तीन से अधिक बार पानी जैसी पतली दस्त आए तो बच्चे को आशा कार्यकर्ता द्वारा दी जाने वाली जिंक की गोली और ओआरएस का सेवन बताई गयी मात्रा के अनुसार ही कराएं जिससे बच्चे के शरीर में पानी की कमी न होने पाए l
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. सर्वेश यादव ने बताया कि आगामी 16 जून से चलने वाले डायरिया रोको अभियान को सफल बनाने के लिए और बच्चों को डायरिया जैसे जानलेवा रोग से बचाने के लिए जनसामान्य का भी सहयोग लिया जाएगा l बैठक के दौरान पापुलेशन सर्विसेज इंटरनेशनल इंडिया (पीएसआई इंडिया) से अनुपम मिश्र, एएनएम योगेंद्रवती, महिला आरोग्य समिति की अध्यक्ष कोमल, आशा पारुल सहित अन्य लोग भी मौजूद रहे।
संयुक्त निदेशक के निरीक्षण में जेठ की दोपहरी में गो आश्रय स्थल पर खड़े मिले अधिकतर पशु
-गो आश्रय स्थलों पर बिना ईयर टैग लगे पाए गए अधिकतर गोवंशीय पशु

पशुओं के छांव में बैठने के लिए अतिरिक्त टिनशेड लगाए जाने का दिया निर्देश

मीरजापुर। संयुक्त निदेशक (प्रशासन) पशुपालन निदेशालय उत्तर प्रदेश डॉ प्रदीप कुमार ने शुक्रवार को बीडीओ हलिया विजय शंकर त्रिपाठी के साथ क्षेत्र के महोगढ़ी और गलरा गांव स्थित गौ आश्रय स्थलों का निरीक्षण किया। संयुक्त निदेशक के निरीक्षण में महोगढ़ी और गलरा गो आश्रय स्थल पर अधिकांश पशु बिना ईयर टैग लगे पाए गए। जिसपर संयुक्त निदेशक ने मौके पर मौजूद पशुचिकित्साधिकारी हलिया कमलेश कुमार व पशुचिकित्साधिकारी बरौंधा नीलम सिंह को गो वंशों की देखभाल में लापरवाही मिलने पर कड़ी फटकार लगाई बिना ईयर टैग वाले गोवंशो को जल्द से जल्द ईयर टैग लगवाने का सख्त निर्देश दिया। निरीक्षण में महोगढ़ी गौ आश्रय स्थल पर भूसा और पोषाहार पर्याप्त मात्रा में पाया गया लेकिन हरे चारे का कोई प्रबंध नही मिला। दोपहर साढ़े बारह बजे के करीब गलरा गो आश्रय स्थल पहुंचे संयुक्त निदेशक को अधिकतर गोवंशीय पशु चिलचिलाती धूप में खड़े दिखाई पड़े।जिसे देखकर उन्होंने मौके पर  पशुचिकित्साधिकारी हलिया कमलेश कुमार व ग्राम सचिव मनोज गौतम को जल्द से जल्द से जल्द गो आश्रय स्थल पर अतिरिक्त टिनशेड लगवाकर गोवंशो की सुरक्षा को देखते हुए छांव की समुचित व्यवस्था कराने के लिए निर्देश दिया। संयुक्त निदेशक ने पशुओं की सुरक्षा में लापरवाही नही बरतने की हिदायत दी। संयुक्त निदेशक ने गौ आश्रय स्थल पर पशुओं के हरे चारे के प्रबंध के बारे में पूछा तो प्रधान पति अरूण मिश्र ने बताया कि सुबह शाम पशुओं को हरा चारा खिलाया जाता है। जिसपर संयुक्त निदेशक ने कहा कि मौजूद पशुओं और उनकी चरनी को देखकर तो ऐसा नही लग रहा है कि पशुओं को हरा चारा दिया जाता है। जिसके दस मिनट बाद ज्वार का हरा चारा लेकर गोशाला के कर्मचारी आए और गोवंशो को हरा चारा खाने के लिए डालने लगे। संयुक्त निदेशक के निरीक्षण में गलरा गो आश्रय स्थल पर भूसा और पोषाहार पर्याप्त पाया गया। संयुक्त निदेशक ने गोवंशो का स्वास्थ्य परीक्षण और धूप से बचाव हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।संयुक्त निदेशक डॉ प्रदीप कुमार ने बताया कि गलरा गो आश्रय स्थल पर गोवंशीय पशुओं के छाया की समुचित व्यवस्था किए जाने हेतु संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया गया है।
गोरखपुर जोन की 51वीं अन्तर्जनपदीय जूडो क्लस्टर प्रतियोगिता में पेंचक सिलाट, कराटे, बुशु एवं ताइक्वान्डो प्रतियोगिताओं के रोमांचक मुकाबले सम्पन्न
गोण्डा। आज दिनांक 15.05.2026 को रिजर्व पुलिस लाइन गोण्डा स्थित अमर शहीद राजेन्द्र नाथ लाहिड़ी बहुउद्देशीय हॉल में आयोजित 51वीं अन्तर्जनपदीय जूडो क्लस्टर प्रतियोगिता के द्वितीय दिवस पेंचक सिलाट, कराटे, बुशु एवं ताइक्वान्डो प्रतियोगिताओं के पुरुष एवं महिला वर्ग के विभिन्न भार वर्गों में रोमांचक मुकाबले आयोजित किए गए। प्रतियोगिता में प्रतिभागी खिलाड़ियों ने उत्कृष्ट तकनीकी कौशल, अनुशासन एवं खेल भावना का परिचय देते हुए शानदार प्रदर्शन किया। पेंचक सिलाट प्रतियोगिता में जनपद गोण्डा के जान मोहम्मद, गोरखपुर के नरेन्द्र, अक्षय कुमार एवं जयसूर्या, बस्ती के तवरेज आलम एवं रामदरश तथा सिद्धार्थनगर के कृष्ण मोहन साहनी ने अपने-अपने भार वर्ग में प्रथम स्थान प्राप्त कर अपने जनपद का गौरव बढ़ाया। जूडो महिला वर्ग में कुल 08 मुकाबले आयोजित किए गए, जिनमें खिलाड़ियों ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए प्रतियोगिता को अत्यंत प्रतिस्पर्धात्मक बनाया। इस प्रतियोगिता में बस्ती की शीतल देवी, सीमा गुप्ता, अनुराधा, सविता राय एवं महेलखां खान, देवरिया की सुनीता तथा बहराइच की अनुप्रिया ने अपने-अपने भार वर्ग में प्रथम स्थान प्राप्त किया। ताइक्वान्डो पुरुष वर्ग प्रतियोगिता में सिद्धार्थनगर के अतुल पटेल एवं संदीप सिंह, बहराइच के गिरजाशंकर तथा संतकबीरनगर के अंजेश गुप्ता एवं आदित्य ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। वहीं महिला वर्ग में गोण्डा की अंशिका भारती, संध्या रावत एवं रूचि यादव, कुशीनगर की क्षमा सिंह तथा बस्ती की शालू वर्मा ने अपने-अपने वर्ग में प्रथम स्थान हासिल किया। कराटे पुरुष वर्ग प्रतियोगिता में गोण्डा के धर्मेन्द्र कुमार एवं ओंकार विश्वकर्मा तथा कुशीनगर के सुजीत पटेल एवं महेन्द्र यादव ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए प्रथम स्थान प्राप्त किया। महिला कराटे प्रतियोगिता में सिद्धार्थनगर की संगीता निषाद, सुषमा रावत, कीर्ति सिंह एवं संगीता देवी विजेता रहीं। बुशु पुरुष वर्ग प्रतियोगिता में सिद्धार्थनगर के सतीश मौर्या, अजीत यादव,  संतकबीरनगर के सन्नी जायसवाल एवं दुर्गेश कुमार, महराजगंज के शत्रुधन तथा बस्ती के राकेश यादव व रोमित यादव ने अपने-अपने भार वर्ग में प्रथम स्थान प्राप्त किया। वहीं बुशु महिला प्रतियोगिता में देवरिया की ममता, सीमा मौर्या एवं सरिता, कुशीनगर की खुशबू सिंह तथा गोरखपुर की शशी यादव ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए प्रथम स्थान प्राप्त किया। प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया गया तथा खेलों के माध्यम से अनुशासन, आत्मविश्वास एवं आपसी समन्वय की भावना को बढ़ावा देने पर बल दिया गया।
वट सावित्री व्रत पर सुहागिनों ने पति की  लंबी उम्र सुख समृद्धि के लिए महिलाओं ने की पूजा अर्चना
रितेश मिश्रा
हरदोई शनिवार को वट सावित्री व्रत श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। सुबह से ही सुहागिन महिलाएं सज-धज कर वट वृक्ष के नीचे पहुंचीं और विधि-विधान से पूजन कर पति की दीर्घायु, सुख-समृद्धि व अखंड सौभाग्य की कामना की।
महिलाओं ने वट वृक्ष पर कच्चा धागा लपेटते हुए पूजा-अर्चना की तथा सावित्री-सत्यवान की कथा सुनकर परिवार की खुशहाली की दुआ मांग रही है। मंदिरों और वट वृक्षों के आसपास सुबह से ही महिलाओं की भीड़ देखने को मिली। कई स्थानों पर सामूहिक रूप से पूजा कार्यक्रम भी आयोजित किए किए जा रहे हैं।
पूजन के दौरान महिलाओं ने फल, फूल, मिठाई, भीगा चना, पूड़ी-पकवान आदि अर्पित किए। पारंपरिक परिधानों और श्रृंगार में पहुंचीं महिलाओं ने एक-दूसरे को व्रत की शुभकामनाएं भी दे रही है।
मान्यता है कि माता सावित्री ने अपने तप और संकल्प से यमराज से पति सत्यवान के प्राण वापस प्राप्त किए थे। इसी आस्था के चलते सुहागिन महिलाएं यह व्रत रखकर पति की लंबी आयु और वैवाहिक जीवन की सुख-शांति की कामना करती हैं।
झारखंड और कर्नाटक के बीच व्यापार-निवेश सहयोग को नई गति, रांची में हुई अहम बैठक

शुक्रवार को चेम्बर भवन में फेडरेशन ऑफ झारखंड चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज और बेल्लारी डिस्ट्रिक्ट चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री, कर्नाटक के बीच व्यापार और निवेश की संभावनाओं को लेकर हुए एक अहम बैठक में उद्योग सचिव श्री अरावा राजकमल ने कहा कि औद्योगिक दृष्टिकोण से झारखंड एक बेहद समृद्ध राज्य है। यहाँ विशाल खनिज संसाधन हैं और यह एक प्रमाणित औद्योगिक पावरहाउस रहा है। हमारे राज्य के भीतर की औद्योगिक इकाइयाँ इसके औद्योगिक कौशल का प्रमाण हैं। उन्होंने कहा कि बेल्लारी खनन, विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग) और आईटी क्षेत्रों में अग्रणी है, और दोनों राज्यों के बीच आपसी सीखने और सहयोग के व्यापक अवसर हैं। उन्होंने देखा कि झारखंड चेम्बर ने राज्यों के बीच औद्योगिक संवाद को बढ़ावा देने की एक उत्कृष्ट परंपरा शुरू की है—एक ऐसी पहल जिसके निकट भविष्य में सकारात्मक परिणाम मिलने की उम्मीद है।वे शुक्रवार को चेम्बर भवन में आयोजित फेडरेशन ऑफ झारखंड चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज और बेल्लारी डिस्ट्रिक्ट चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री, कर्नाटक के बीच व्यापार और निवेश की संभावनाओं को लेकर एक संयुक्त बैठक में राज्य के आर्थिक विकास का दृष्टिकोण रख रहे थे।

राज्य में इको टूरिज्म, क्रिटिकल मिनरल्स, टेक्सटाइल और रेडीमेड गारमेंट्स, फूड प्रोसेसिंग और सुपर फूड्स क्षेत्रों में जबरदस्त क्षमता

श्री अरवा राजकमल ने आगे कहा कि झारखंड में उद्योग तेजी से आगे बढ़ रहे हैं और मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन राज्य के विकास को लेकर एक दूरदर्शी दृष्टिकोण रखते हैं। मुख्यमंत्री का दृष्टिकोण खनन क्षेत्र में खनिज खनन से लेकर हाई-एंड सॉल्यूशंस तक एक संपूर्ण मूल्य श्रृंखला (वैल्यू चेन) बनाने का है। मुख्यमंत्री का इसी तरह का दृष्टिकोण महिला उद्यमिता को आधारशिला बनाकर राज्य में कृषि और खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र को सकारात्मक रूप से बदलने का है। उन्होंने कहा कि राज्य में इको टूरिज्म, क्रिटिकल मिनरल्स (महत्वपूर्ण खनिज), टेक्सटाइल और रेडीमेड गारमेंट्स, फूड प्रोसेसिंग और सुपर फूड्स क्षेत्रों में जबरदस्त क्षमता है।

उद्योग विभाग निवेशकों को हर संभव सहायता प्रदान करने के लिए हमेशा तत्पर

उद्योग निदेशक श्री विशाल सागर ने डेलीगेट्स को झारखंड में निवेश करने के लिए आमंत्रित किया। उन्होंने उल्लेख किया कि झारखंड ने इस वर्ष पहली बार दावोस में विश्व आर्थिक मंच (WEF) में भाग लिया था, जहाँ मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व वाले प्रतिनिधिमंडल में झारखंड चेम्बर भी शामिल था। माननीय मुख्यमंत्री ने राज्य में निवेश के अवसरों तलाशने के लिए यूनाइटेड किंगडम (यूके) के एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व भी किया था। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार रोजगार सृजन और औद्योगिक विकास के लिए प्रतिबद्ध है। राज्य के भीतर भारी निवेश क्षमता पर जोर देते हुए उन्होंने इस बात पर प्रकाश डाला कि खाद्य प्रसंस्करण (फूड प्रोसेसिंग), पर्यटन और कृषि क्षेत्र निवेश के व्यापक अवसर प्रदान करते हैं। उन्होंने आगे जोड़ा कि उद्योग विभाग निवेशकों को हर संभव सहायता प्रदान करने के लिए हमेशा तत्पर है।

बैठक के दौरान झारखंड और कर्नाटक के उद्योग और व्यापार प्रतिनिधियों के बीच व्यावसायिक विचारों, निवेश के अवसरों, औद्योगिक सहयोग और व्यापार विस्तार को लेकर विस्तृत विचार-विमर्श हुआ। दोनों राज्यों के प्रतिनिधियों ने भविष्य में औद्योगिक विकास को बढ़ावा देने के लिए आपसी समन्वय के साथ मिलकर काम करने की आवश्यकता पर बल दिया।

चेम्बर के महासचिव श्री रोहित अग्रवाल ने बेल्लारी डिस्ट्रिक्ट चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री, कर्नाटक के प्रतिनिधिमंडल का स्वागत करते हुए कहा कि यह बैठक उद्योग, निवेश, पर्यटन और व्यापार सहयोग में एक नए अध्याय की शुरुआत है। झारखंड और कर्नाटक के उद्यमियों के बीच सीधे संवाद से व्यापार सहयोग को नई गति मिलेगी।झारखंड चेम्बर के अध्यक्ष श्री आदित्य मल्होत्रा ने कहा कि झारखंड और कर्नाटक दोनों में निवेश की अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने उल्लेख किया कि झारखंड तेजी से औद्योगिक विकास के एक नए चरण में प्रवेश कर रहा है। राज्य की टेक्सटाइल नीति (कपड़ा नीति) आकर्षक है, और जल्द ही एक नई औद्योगिक नीति जारी होने वाली है, जो निवेशकों के लिए एक सुनहरा अवसर पेश करेगी। उन्होंने रेखांकित किया कि झारखंड एक खनिज-समृद्ध राज्य है, जो लिथियम, मैंगनीज और बॉक्साइट सहित विभिन्न खनिजों से संपन्न है। राज्य बिजली-सरप्लस (अधिशेष बिजली वाला) है और यहाँ कुशल जनशक्ति की कोई कमी नहीं है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि माननीय मुख्यमंत्री के नेतृत्व में झारखंड राज्य निवेश और उद्योग के क्षेत्रों में एक अग्रणी राज्य के रूप में उभरेगा।

बेल्लारी में निवेश की संभावनाओं पर बोलते हुए, बेल्लारी डिस्ट्रिक्ट चेम्बर के अध्यक्ष श्री अव्वारु मंजूनाथ ने झारखंड के उद्यमियों को कर्नाटक में निवेश करने का निमंत्रण दिया। बेल्लारी चेम्बर के पदाधिकारियों ने झारखंड चेम्बर को बेंगलुरु में आयोजित होने वाले एमएसएमई (MSME) कॉन्क्लेव में शामिल होने के लिए भी आमंत्रित किया। बैठक के दौरान दोनों राज्यों के उद्यमियों और व्यापारियों ने अपने-अपने व्यवसायों का परिचय दिया और विचारों का आदान-प्रदान किया।कार्यक्रम के दौरान बेल्लारी चेम्बर द्वारा उद्योग सचिव और उद्योग निदेशक को सम्मानित किया गया।

आजमगढ़: तहबरपुर में शैक्षिक संगोष्ठी का आयोजन वर्तमान परिवेश में शैक्षिक समस्याएं और शिक्षकों की भूमिका पर चर्चा
आजमगढ़। तहबरपुर विकासखंड के अंतर्गत 1 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष में ब्लॉक सभागार में एक शैक्षिक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। वर्तमान परिवेश में शैक्षिक समस्याएं एवं शिक्षकों की भूमिका विषय पर केंद्रित इस संगोष्ठी का शुभारंभ मुख्य अतिथि डॉ राम उजागर शुक्ला ने मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन कर किया। इस अवसर पर बच्चों ने सरस्वती वंदना की मनोहारी प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विशिष्ट अतिथियों का सम्मान किया गया सभागार को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष डॉक्टर राम उजागर शुक्ला ने कहा कि बदलते परिवेश में नई शैक्षिक चुनौतियां सामने आ रही हैं शिक्षकों ने हमेशा समाज को दिशा और गति प्रदान की है उन्होंने शिक्षक समुदाय से इन समस्याओं का सर्वमान्य समाधान खोजने के लिए आगे आने का आह्वान किया। जिला महामंत्री रवि शंकर यादव ने आधुनिक शैक्षिक तकनीक के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि शिक्षकों को तकनीक के प्रयोग को एक अवसर के रूप में देखना चाहिए उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि सरकार धीरे-धीरे शिक्षकों क परिलब्धियों को समाप्त कर रही है। रमोद यादव ने शिक्षकों से अपने उत्कृष्ट कार्यो के माध्यम से समाज में एक उदाहरण प्रस्तुत करने का आग्रह किया और वर्तमान समय में संगठित होकर संघर्ष करने की आवश्यकता पर जोर दिया। जिला उपाध्यक्ष उदय प्रताप राय ने पिछले 1 वर्ष में उत्तर प्रदेश प्रारंभिक शिक्षक समिति द्वारा शिक्षक हित में किए गए कार्यों की जानकारी दी उन्होंने बताया कि समिति विद्यालयों के पेयरिंग/ मर्जर, चयन वेतनमान, टेट की अनिवार्यता के विरोध, जनगणना 2026 तथा परिषदीय विद्यालयों में साफ सफाई जैसे विभिन्न सामाजिक, सांस्कृतिक एवं राष्ट्रीय हित के मुद्दों पर सक्रिय भूमिका निभा रही हैं। इस संगोष्ठी की अध्यक्षता नर्वदेश्वर उपाध्याय ने की जबकि संचालन स्वामीनाथ यादव ने किया।
महंगाई, बेरोजगारी और कॉर्पोरेटपरस्ती ने देश को संकट में धकेला : विनोद पांडेय

भारतीय जनता पार्टी नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने पिछले 11 वर्षों में देश की आम जनता को राहत देने के बजाय लगातार संकट, महंगाई और असुरक्षा की स्थिति में धकेलने का काम किया है। आज देश का मध्यम वर्ग, किसान, मजदूर, युवा और छोटे व्यापारी सभी आर्थिक दबाव और अस्थिरता से जूझ रहे हैं, जबकि सत्ता पक्ष केवल प्रचार, इवेंट प्रबंधन और बड़े उद्योगपतियों के हित साधने में व्यस्त दिखाई देता है।

नोटबंदी के दौरान आम लोगों को घंटों बैंक की कतारों में खड़ा रहना पड़ा। कोविड काल में अस्पताल, ऑक्सीजन और दवाइयों के लिए जनता त्राहिमाम करती रही। आज भी रसोई गैस, पेट्रोल-डीज़ल, खाद्य सामग्री और रोजमर्रा की जरूरतों की बढ़ती कीमतों ने आम परिवारों का बजट बिगाड़ दिया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट आने के बावजूद जनता को राहत नहीं दी गई, जबकि तेल कंपनियां रिकॉर्ड मुनाफा कमा रही हैं। यह स्पष्ट करता है कि केंद्र सरकार की प्राथमिकता जनता नहीं, बल्कि कॉर्पोरेट हित हैं।

भाजपा सरकार लगातार जनता को त्याग, बचत और राष्ट्रहित का उपदेश देती है। पेट्रोल कम खर्च करो, विदेश मत जाओ, डॉलर बचाओ। लेकिन, दूसरी ओर बड़े उद्योगपतियों के विदेशी निवेश और विशेष आर्थिक सुविधाओं पर कोई सवाल नहीं उठाया जाता। आम नागरिकों पर राष्ट्रभक्ति का बोझ डाला जाता है, जबकि सत्ता के करीब बैठे लोगों को हर प्रकार की छूट दी जाती है। यह दोहरी नीति देश के लोकतांत्रिक और सामाजिक संतुलन के लिए घातक है।

देश को एक ऐसी सरकार की आवश्यकता है जो जनता को राहत दे, रोजगार सृजित करे, महंगाई नियंत्रित करे और सामाजिक सौहार्द बनाए रखे। दुर्भाग्य से वर्तमान केंद्र सरकार ने बेरोज़गारी, आर्थिक असमानता, सामाजिक तनाव और विभाजनकारी राजनीति को बढ़ावा देने का कार्य किया है।

झारखंड मुक्ति मोर्चा स्पष्ट रूप से मानता है कि लोकतंत्र में सरकार जनता के प्रति जवाबदेह होती है, न कि चुनिंदा पूंजीपतियों के प्रति। जनता अब सवाल पूछ रही है और आने वाले समय में देश की जनता अपने लोकतांत्रिक अधिकारों के माध्यम से इसका जवाब भी देगी।

राष्ट्र निर्माण में शिक्षक अग्रणी — शिक्षा उन्नयन संगोष्ठी व 58 सेवानिवृत्त शिक्षकों का सम्मान समारोह,
  संजीव सिंह बलिया| नगरा — आमंत्रण मैरिज हाल गोठाई नगरा में शुक्रवार को आयोजित शिक्षा उन्नयन संगोष्ठी का भव्य आयोजन किया गया, जिसमें 58 सेवानिवृत्त शिक्षकों को उनके उत्कृष्ट शैक्षिक योगदान के लिए सम्मानित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जितेन्द्र सिंह ने की और मुख्य अतिथि के रूप में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मनीष कुमार सिंह उपस्थित रहे।कार्यक्रम की शुरुआत जिलाध्यक्ष जितेन्द्र सिंह व बी.ई.ओ. आर. पी. सिंह द्वारा माँ सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण, पुष्पांजलि तथा दीप प्रज्वलन के साथ हुई। मुख्य अतिथि व विशिष्ट अतिथियों का समस्त शिक्षकों ने अंगवस्त्रम्, स्मृति चिह्न एवं शीष पुंज देकर सम्मानित कर स्वागत व अभिनंदन किया।जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मनीष कुमार सिंह ने अपने सम्बोधन में कहा कि शिक्षा ही व्यक्ति के समस्त समस्याओं का समाधान प्रस्तुत करती है। उन्होंने सेवा निवृत्त शिक्षकों के योगदान की सराहना करते हुए उन्हें स्मृति चिह्न, अंगवस्त्रम्, धार्मिक पुस्तक, छाता तथा बैग देकर सम्मानित किया। कार्यक्रम में कुल 58 सेवानिवृत्त शिक्षकों को औपचारिक रूप से सम्मानित किया गया।खंड शिक्षा अधिकारी नगरा राम प्रताप सिंह ने सभी शिक्षकों से आग्रह किया कि वे बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए समर्पित होकर अपना योगदान देते रहें। उन्होंने कहा कि शिक्षक राष्ट्र निर्माण की अग्रणी पंक्ति में हैं और उनकी भूमिका समाज के सर्वांगीण विकास के लिए अनिवार्य है।कार्यक्रम में उपस्थित अन्य शिक्षकों और पदाधिकारियों में  मंत्री ओमप्रकाश,ए.आर.पी. सुदीप तिवारी, विश्वामित्र सिंह, अभिषेक यादव, आशुतोष कुमार सिंह, शशिकांत सक्सेना, डॉ. विद्यासागर उपाध्याय, विनोद भारती, हेमंत यादव, राम प्रवेश वर्मा, अशोक शर्मा, बच्चालाल, कृष्ण कुमार सिंह, अभिनंदन सिंह आदि की गरिमामयी उपस्थिति रही। दयाशंकर ने निपुण शपथ ग्रहण कराई।कार्यक्रम को जिला मंत्री डा . राजेश पांडेय, सुनील सिंह, विद्यासागर दूबे, अजय सिंह तथा अन्य शिक्षक पदाधिकारियों ने सम्बोधित किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे त्रिवेणी सिंह ने कहा कि सेवानिवृत्त शिक्षक अपने सामाजिक व शैक्षिक दायित्वों का निर्वाह करते रहेंगे और युवा शिक्षकों के लिए प्रेरणा स्रोत बने रहेंगे।समापन के अवसर पर राष्ट्र वंदना, भारत माता वंदे मातरम् जय घोष के साथ कार्यक्रम समाप्त किया गया। कार्यक्रम का संचालन अध्यक्ष वीरेंद्र प्रताप यादव ने किया।
संजय शर्मा ने गायक के रूप में बनाई अपनी विशिष्ट पहचान
प्रयागराज।  भजन सम्राट अनूप जलोटा से मुलाकात तथा शिष्य संजय की प्रस्तुति से दिल का जितना मानों जनपद में एक गीतकार का पहचान बन गया।संजय शर्मा कथा-कीर्तन और भजन गायन से जुड़े हैं और उत्तर प्रदेश के अलग-अलग जिलों में कार्यक्रम करते हैं।प्रयागराज संगीत के लिए पुराना केंद्र रहा है।प्रयाग संगीत समिति हर साल अखिल भारतीय संगीत प्रतियोगिता कराती है।ऐसे माहौल में स्थानीय भजन गायक संजय शर्मा जैसे कलाकार सक्रिय भूमिका में रहते हैं।आप आकाशवाणी प्रयागराज के उद्घोषक भी हैं।संजय शर्मा विश्व विख्यात पद्मश्री भजन सम्राट अनूप जलोटा को अपना गुरु मानते हैं।अनूप जलोटा की उपस्थिति में उनके साथ गीत सुनाकर श्रोताओं का दिल जीत लिया साथ ही साथ जलोटा के प्रिय शिष्य बन गये। संजय शर्मा विगत दिनों एक कार्यक्रम से लौट रहे थे जहां आकस्मिक दुर्घटना हुई जिसमें उनके पैर क्षतिग्रस्त हुए हड्डी के विशेषज्ञों ने आपरेशन किया। जनपद के कुछ गीतकार एवं समाजसेवियों ने शिष्टाचार मुलाकात की एवं कुछ ने दूरभाष से स्वास्थ्य ठीक होने की खबर मिली।संजय शर्मा के वैवाहिक वर्षगांठ पर 15 मई 2026 को सभी शुभचिंतकों ने शुभकामनाएं एवं बधाइयां दी तथा उत्तम स्वास्थ्य की कामना की।मुंबई से कवि एवं पत्रकार विनय शर्मा दीप,गीतकार रविन्द्र कुमार शर्मा दीप,प्रमोद कुमार प्रेमी,अधिवक्ता एवं कवि अनिल शर्मा,युवा नेता अनिल कुमार शर्मा,सेन हरिकेश शर्मा नंदवंशी,सेन प्रदीप कुमार शर्मा नंदवंशी,मनोज जगदीश शर्मा, श्रीमती राधा संतोष शर्मा, उद्योगपति कलेक्टर शर्मा, संतोष निरंकार शर्मा,नई उम्मीद फाउंडेशन के अध्यक्ष चंद्रभूषण शर्मा, डॉ संजय शर्मा, डॉ संतोष शर्मा,डॉ एस आर श्रीवास,डॉ प्रहलाद शर्मा,बाबुल्ले शर्मा,जे पी शर्मा अध्यक्ष अखिल भारतीय सविता महासंघ, अधिवक्ता राजेश कुमार शर्मा, अधिवक्ता अनुज कुमार सेन, अधिवक्ता श्यामू शर्मा आदि ने शुभकामनाएं दीं।
प्रथम चरण से पहले संचालित स्व गणना अभियान में मीडिया कर्मियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और सूचीवद्ध कराया

फर्रुखाबाद l जनगणना-2027 के प्रथम चरण से पूर्व संचालित स्व-गणना अभियान के अंतर्गत जनपद के समस्त मीडिया कर्मियों हेतु एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी डॉक्टर अंकुर लाठर के निर्देश पर आयोजित किया गया। कार्यक्रम का संचालन जिला सूचना अधिकारी के नेतृत्व में किया गया।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित समस्त मीडिया प्रतिनिधियों को जनगणना-2027 के अंतर्गत संचालित स्व-गणना प्रक्रिया के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की गई। अवगत कराया गया कि भारत सरकार द्वारा जनगणना-2027 के प्रथम चरण से पूर्व स्व-गणना अभियान 07 से 21 मई 2026 तक संचालित किया जा रहा है, जिसके अंतर्गत नागरिक स्वयं ऑनलाइन माध्यम से अपनी जनगणना संबंधी जानकारी दर्ज कर सकते हैं।
इस मौके पर उपस्थित मीडिया कर्मियों को स्व-गणना पोर्टल
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पर ऑनलाइन स्व-गणना की प्रक्रिया का प्रदर्शन करते हुए स्व-गणना कराई गई। अधिकारियों द्वारा पोर्टल पर उपलब्ध सुविधाओं, आवश्यक दस्तावेजों तथा स्व-गणना की चरणबद्ध प्रक्रिया की जानकारी भी साझा की गई।
जिला सूचना एवं सम्पर्क अधिकारी द्वारा मीडिया प्रतिनिधियों से अपेक्षा की गई कि वे जनसामान्य को स्व-गणना के प्रति जागरूक करते हुए अधिक से अधिक लोगों को इस अभियान से जोड़ने में सहयोग प्रदान करें, ताकि जनगणना प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी एवं प्रभावी बनाया जा सके।
कार्यक्रम में उपस्थित मीडिया कर्मियों ने स्व-गणना अभियान की सराहना करते हुए इसे जनसहभागिता बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया।
महिला आरोग्य समिति की सदस्य डायरिया नियंत्रण में निभाएंगी भूमिका, शून्य से पांच साल तक के बच्चों को डायरिया से बचाव का दिया संदेश,दस्त के बाद बच
फर्रुखाबाद l 16 जून से शुरू होने वाले डायरिया रोको अभियान को सफल बनाने के लिए अभी से विभाग ने तैयारी शुरू कर दी है l इसी क्रम में शुक्रवार को डायरिया से डर नहीं कार्यक्रम के तहत शहर के मोहल्ला कूंचा भवानी दास में नगरीय स्वास्थ्य केंद्र रकाबगंज की चिकित्साधिकारी डॉ. शोभा सक्सेना की अध्यक्षता में महिला आरोग्य समिति की बैठक हुई l बैठक में उन्होंने समिति की सदस्यों से डायरिया नियंत्रण अभियान को सफल बनाने की अपील के साथ ही बच्चों को डायरिया से सुरक्षित बनाने के जरूरी टिप्स भी दिए l
बैठक के दौरान डायरिया ग्रसित दो बच्चों को देखा गया और उनको ओआरएस और जिंक निर्धारित मात्रा में देते हुए उसके प्रयोग के बारे में भी विस्तार से जानकारी भी दी गयी। इसके साथ ही बैठक में उपस्थित लोगों को टीकाकरण, आयुष्मान भारत योजना, परिवार नियोजन के साधनों के उपयोग व अन्य स्वास्थ्य योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया गया l
डॉ. शोभा ने कहा कि बच्चों की सही देखभाल के साथ स्वास्थ्य का पूरा ख्याल रखा जाए ताकि बच्चे डायरिया समेत अन्य संक्रामक बीमारियों से सुरक्षित बने रहेंl डायरिया से बचने के लिए हमें अपनी नजदीक की आशा कार्यकर्ता से संपर्क करना चाहिए l उन्होंने कहा कि दिन भर में अगर बच्चे को दो या तीन से अधिक बार पानी जैसी पतली दस्त आए तो बच्चे को आशा कार्यकर्ता द्वारा दी जाने वाली जिंक की गोली और ओआरएस का सेवन बताई गयी मात्रा के अनुसार ही कराएं जिससे बच्चे के शरीर में पानी की कमी न होने पाए l
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. सर्वेश यादव ने बताया कि आगामी 16 जून से चलने वाले डायरिया रोको अभियान को सफल बनाने के लिए और बच्चों को डायरिया जैसे जानलेवा रोग से बचाने के लिए जनसामान्य का भी सहयोग लिया जाएगा l बैठक के दौरान पापुलेशन सर्विसेज इंटरनेशनल इंडिया (पीएसआई इंडिया) से अनुपम मिश्र, एएनएम योगेंद्रवती, महिला आरोग्य समिति की अध्यक्ष कोमल, आशा पारुल सहित अन्य लोग भी मौजूद रहे।
संयुक्त निदेशक के निरीक्षण में जेठ की दोपहरी में गो आश्रय स्थल पर खड़े मिले अधिकतर पशु
-गो आश्रय स्थलों पर बिना ईयर टैग लगे पाए गए अधिकतर गोवंशीय पशु

पशुओं के छांव में बैठने के लिए अतिरिक्त टिनशेड लगाए जाने का दिया निर्देश

मीरजापुर। संयुक्त निदेशक (प्रशासन) पशुपालन निदेशालय उत्तर प्रदेश डॉ प्रदीप कुमार ने शुक्रवार को बीडीओ हलिया विजय शंकर त्रिपाठी के साथ क्षेत्र के महोगढ़ी और गलरा गांव स्थित गौ आश्रय स्थलों का निरीक्षण किया। संयुक्त निदेशक के निरीक्षण में महोगढ़ी और गलरा गो आश्रय स्थल पर अधिकांश पशु बिना ईयर टैग लगे पाए गए। जिसपर संयुक्त निदेशक ने मौके पर मौजूद पशुचिकित्साधिकारी हलिया कमलेश कुमार व पशुचिकित्साधिकारी बरौंधा नीलम सिंह को गो वंशों की देखभाल में लापरवाही मिलने पर कड़ी फटकार लगाई बिना ईयर टैग वाले गोवंशो को जल्द से जल्द ईयर टैग लगवाने का सख्त निर्देश दिया। निरीक्षण में महोगढ़ी गौ आश्रय स्थल पर भूसा और पोषाहार पर्याप्त मात्रा में पाया गया लेकिन हरे चारे का कोई प्रबंध नही मिला। दोपहर साढ़े बारह बजे के करीब गलरा गो आश्रय स्थल पहुंचे संयुक्त निदेशक को अधिकतर गोवंशीय पशु चिलचिलाती धूप में खड़े दिखाई पड़े।जिसे देखकर उन्होंने मौके पर  पशुचिकित्साधिकारी हलिया कमलेश कुमार व ग्राम सचिव मनोज गौतम को जल्द से जल्द से जल्द गो आश्रय स्थल पर अतिरिक्त टिनशेड लगवाकर गोवंशो की सुरक्षा को देखते हुए छांव की समुचित व्यवस्था कराने के लिए निर्देश दिया। संयुक्त निदेशक ने पशुओं की सुरक्षा में लापरवाही नही बरतने की हिदायत दी। संयुक्त निदेशक ने गौ आश्रय स्थल पर पशुओं के हरे चारे के प्रबंध के बारे में पूछा तो प्रधान पति अरूण मिश्र ने बताया कि सुबह शाम पशुओं को हरा चारा खिलाया जाता है। जिसपर संयुक्त निदेशक ने कहा कि मौजूद पशुओं और उनकी चरनी को देखकर तो ऐसा नही लग रहा है कि पशुओं को हरा चारा दिया जाता है। जिसके दस मिनट बाद ज्वार का हरा चारा लेकर गोशाला के कर्मचारी आए और गोवंशो को हरा चारा खाने के लिए डालने लगे। संयुक्त निदेशक के निरीक्षण में गलरा गो आश्रय स्थल पर भूसा और पोषाहार पर्याप्त पाया गया। संयुक्त निदेशक ने गोवंशो का स्वास्थ्य परीक्षण और धूप से बचाव हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।संयुक्त निदेशक डॉ प्रदीप कुमार ने बताया कि गलरा गो आश्रय स्थल पर गोवंशीय पशुओं के छाया की समुचित व्यवस्था किए जाने हेतु संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया गया है।