अयोध्या में "दिल चीर के देख" की शूटिंग देखने के लिए उमड़ी भारी भीड़

अयोध्या। वेब सीरीज फिल्म "दिल चीर के देख" की शूटिंग कई दिनों से जारी है। गुप्तार घाट पर शूटिंग पूरी कर अयोध्या में कई अलग अलग स्थानों पर फिल्म की शूटिंग होना है। मुंबई से आई फिल्म यूनिट के

फिल्म प्रोड्यूसर सचिन पाण्डेय ने बताया कि "बॉम्बे शो स्टूडियोज" के बैनर तले यह फिल्म "सोनी लिव" के लिए अयोध्या में अलग अलग स्थानों पर शूटिंग होना है।

डायरेक्टर धर्मेश पटेल ने बताया कि हमारे फिल्म यूनिट टीम में 200 से 250 लोग सुबह से रात तक काम कर रहे हैं। इस वेब सीरीज फिल्म जो कि अयोध्या की कहानी से संबंधित है, अयोध्या में कई स्थानों पर स्थित मंदिर पर फिल्माया जाएगा। 

 फिल्म की नायिका एंजेल राय है, जो किसी पहचान की मोहताज नहीं है। एंजेल राय फिल्म में शालिनी का किरदार निभा रही है। न्यू दिल्ली की मूल निवासी, मुंबई में रह कर अपनी पहचान कई म्यूजिक एल्बम से बना चुकी है, जिनमें "जब छाए मेरा जादू" व "रांझणा" (जी म्यूजिक ) इन्हें काफी प्रसिद्धि दिलाई है। और अभी हाल ही में वेब सीरीज "घोटाला" मूवी भी इनकी आई थी जिसे लोगों ने खूब पसंद किया।

एंजेल राय (angelrai07) के इंस्टाग्राम प्लेटफार्म पर 2 करोड़ 52 लाख (25.2M) प्रशंसक है।फिल्म के नायक अनुज सिंह ढाका है।

आजमगढ़:सेवा का संदेश: समाजसेवी ने वृद्धाश्रम में बिताया दिन, जरूरतमंदों की मदद


वी कुमार यदुवंशी
आजमगढ़। फूलपुर तहसील क्षेत्र के शुक्लपूरा निवासी समाजसेवी, शिक्षिका एवं कवयित्री आराधना शुक्ला ने मानव सेवा की मिसाल पेश करते हुए असीलपुर स्थित वृद्धाश्रम में दिन बिताकर वृद्धजनों की सेवा की। शहर के एक प्रतिष्ठित विद्यालय में अध्यापन कार्य कर रहीं आराधना ने निजी उत्सवों से अलग हटकर समाज के जरूरतमंद वर्ग के बीच समय बिताने का संदेश दिया।
वृद्धाश्रम पहुंचकर उन्होंने वहां रह रहे बुजुर्गों के साथ समय बिताया और उनके सुख-दुख को करीब से जाना। इस दौरान उन्होंने अपने हाथों से भोजन वितरण कराया तथा फल व आवश्यक दवाइयों का वितरण भी किया। उनकी आत्मीयता और स्नेह से अभिभूत वृद्धजनों ने उन्हें आशीर्वाद दिया।
इस मौके पर आराधना शुक्ला ने कहा कि जरूरतमंदों के बीच समय बिताने से जो आत्मिक संतोष मिलता है, वह किसी भी अन्य सुख से बढ़कर है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अपने जीवन के खास पलों को सेवा और संवेदना से जोड़ें, ताकि समाज के वंचित वर्ग के जीवन में भी खुशियां लाई जा सकें।
आराधना शुक्ला की यह पहल सामाजिक सरोकारों के प्रति जागरूकता का संदेश देती है और यह दर्शाती है कि सच्ची खुशी दूसरों की सेवा और उनके चेहरे पर मुस्कान लाने में ही निहित है।
लू से बचाव के लिए ओपीडी भवन में बनेंगे ओआरएस काउंटर

*काउंटर पर मरीजों के साथ तीमारदारों के लिए भी होगी सुविधाएं*


रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भीषण गर्मी में लू से बचाव के लिए जिले के 29 स्वास्थ्य केंद्रों पर लू वार्ड सहित परिसर में दो से तीन स्थानों पर ओआरएस काउंटर बनाए जाएंगे। सीएमओ डॉॅ. एसके चक ने जिले के सभी अस्पतालों के अधीक्षकों को पत्र जारी कर यह व्यवस्था दुरूस्त किए जाने का निर्देश दिया है। ये काउंटर ओपीडी भवन, दवा कक्ष के आस-पास बनाया जाएंगे। विभागीय स्तर से इसकी लगातार मॉनीटरिंग भी की जाएगी।
आने वाले दिनों में लू के असर को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग की ओर से भी इसकी लगातार मॉनीटरिंग की जा रही है। जिले के 28 अस्पतालों में 90 लू से पीड़ित मरीजों के लिए बेड आरक्षित हैं। वहीं अब अस्पताल परिसर में ओआरएस काउंटर भी बनाए जाएंगे। अस्पताल परिसर में ओपीडी भवन, दवा काउंटर, लू वार्ड में ओआरएस काउंटर बनाए जाएंगे। जहां एक ग्लास भी रखा जाएगा। ताकि अस्पताल आने वाले मरीज, तीमारदार घोल का लाभ उठा सकें। नियमित काउंटर की स्थिति देखी जाएगी। जिला अस्पताल, महाराजा बलवंत सिंह राजकीय चिकित्सालय के अलावा छह सीएचसी, 20 पीएचसी सहित कुल 28 स्वास्थ्य केंद्रों पर रोजाना 5000 से 5500 की ओपीडी होती है। सीएमओ डॉ. एसके चक ने बताया कि 28 सेंटरों पर लू वार्ड बनाए गए हैं। बड़े अस्पताल परिसर में तीन और सीएचसी, पीएचसी में दो ओआरएस काउंटर बनाए जाएंगे। मरीजों, तीमारदारों की सुविधानुसार इसे बढ़ाया जा सकता है।
अयोध्या के राजस्व अभिलेखों को गोंडा में जलाया,पिकअप से लाकर पेट्रोल डालकर जलाया
*ढेमवाघाट पीपापुल के पास जलाए गए राजस्व अभिलेख

गोंडा।जिले के नवाबगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत ढेमवाघाट पीपापुल के पास अयोध्या जिले के राजस्व अभिलेखों के जलाए जाने का मामला सामने आया है।इन अभिलेखों को एक पिकअप वाहन में लादकर लाया गया था और पेट्रोल डालकर जलाया गया है।मौके से कई अधजले दस्तावेज मिले हैं जो अयोध्या जिले के बताए जा रहे हैं।गोंडा जिला प्रशासन को इन अभिलेखों को जलाए जाने की कोई आधिकारिक सूचना नहीं दी गई थी, इस घटना के बाद अधिकारियों में हड़कंप मच गया है।जलाए गए  दस्तावेजों में खतौनी,बैनामा,स्टांप,इकरारनामा व वसीयतनामा जैसे महत्वपूर्ण कागजात शामिल थे।जिस ढेमवाघाट पीपापुल के पास यह घटना हुई है वहां से मात्र 500 मीटर की दूरी पर ढेमवाघाट पुलिस चौकी है।पुलिसकर्मियों को भी इस बारे में कोई जानकारी नहीं थी और ना तो उन्हें सूचित किया गया था।नवाबगंज थानाध्यक्ष अभय सिंह ने बताया कि जलाए गए कागजात अयोध्या जिले के पुराने अभिलेख थे।उन्होंने पुष्टि किया कि पुलिसकर्मिर्यों को मौके पर भेज कर जांच कराई गई है और इसकी पुष्टि हुई है तथा उपजिलाधिकारी तरबगंज को भी इस पूरे मामले की जानकारी उपलब्ध करा दी गई है।मामले में उपजिलाधिकारी तरबगंज प्रदीप कुमार सिंह ने बताया कि पूरे मामले की जांच की जा रही है कि अभिलेख कहां से लाए गए थे।उन्होंने यह भी बताया कि पुलिस के अनुसार उक्त अभिलेख अयोध्या जिले के थे और राजस्व विभाग के अधिकारियों को भी मौके पर भेजा गया है।जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी कि यह अभिलेख हमारे गोंडा जनपद के नहीं हैं।उन्होंने यह भी बताया कि मौके से जो भी कागजात मिले हैं,उसको भी देखा जा रहा है।
आजमगढ़:सेवा का संदेश: समाजसेवी ने वृद्धाश्रम में बिताया दिन, जरूरतमंदों की मदद
वी कुमार यदुवंशी
आजमगढ़। फूलपुर तहसील क्षेत्र के शुक्लपूरा निवासी समाजसेवी, शिक्षिका एवं कवयित्री आराधना शुक्ला ने मानव सेवा की मिसाल पेश करते हुए असीलपुर स्थित वृद्धाश्रम में दिन बिताकर वृद्धजनों की सेवा की। शहर के एक प्रतिष्ठित विद्यालय में अध्यापन कार्य कर रहीं आराधना ने निजी उत्सवों से अलग हटकर समाज के जरूरतमंद वर्ग के बीच समय बिताने का संदेश दिया।
वृद्धाश्रम पहुंचकर उन्होंने वहां रह रहे बुजुर्गों के साथ समय बिताया और उनके सुख-दुख को करीब से जाना। इस दौरान उन्होंने अपने हाथों से भोजन वितरण कराया तथा फल व आवश्यक दवाइयों का वितरण भी किया। उनकी आत्मीयता और स्नेह से अभिभूत वृद्धजनों ने उन्हें आशीर्वाद दिया।
इस मौके पर आराधना शुक्ला ने कहा कि जरूरतमंदों के बीच समय बिताने से जो आत्मिक संतोष मिलता है, वह किसी भी अन्य सुख से बढ़कर है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अपने जीवन के खास पलों को सेवा और संवेदना से जोड़ें, ताकि समाज के वंचित वर्ग के जीवन में भी खुशियां लाई जा सकें।
आराधना शुक्ला की यह पहल सामाजिक सरोकारों के प्रति जागरूकता का संदेश देती है और यह दर्शाती है कि सच्ची खुशी दूसरों की सेवा और उनके चेहरे पर मुस्कान लाने में ही निहित है।
बृजभूषण के शोषण की मैं भी विक्टिम”, विनेश फोगाट ने लगाया गंभीर आरोप, जारी किया भावुक वीडियो

#vineshphogatsbigrevelationiwasharassedbybrijbhushan

भारतीय कुश्ती में एख बार फिर बड़ा विवाद सामने आया है। ओलिंपियन विनेश फोगाट ने भारतीय कुश्ती संघ के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह पर एक बार फिर गंभीर आरोप लगाए हैं। विनेश पोगाट ने चौंकाने वाला खुलासा करते हुए कहा है कि वह भारतीय कुश्ती महासंघ के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ शिकायत दर्ज कराने वाली छह महिला पहलवानों में से एक हैं।

पिछले डेढ़ साल से मैट से दूर थी-विनेश

विनेश ने सोशल मीडिया पर एक भावुक वीडियो शेयर करते हुए कहा, 'जैसा की सभी को पता है कि पिछले डेढ़ साल से मैं रेस्लिंग मैट से काफी दूर थी। लेकिन अब कुछ महीनों से मैं रेस्लिंग की तैयारियां कर रह रही हूं। बड़ी मेहनत और ईमानदारी से मेहनत कर रही हूं। जैसे मैंने पहले देश के लिए मेडल जीते, परमात्मा के आशीर्वाद से, आप सबके सहयोग से फिर से रेस्लिंग मैट पर जाऊं और देश के लिए ढेर सारे मेडल जीतूं और देश के तिरंगे का मान बनाए रखूं।'

मैं भी बृजभूषण के शोषण पीड़ित-विनेश

विनेश ने आगे कहा कि, 'मुझे नहीं लगता कि मैं अपना 100% दे पाऊंगी। एक लड़की के लिए ये काफी मुश्किल होगा।' उन्होंने कहा, आज कुछ मजबूरियों के चलते मैं कहना चाहती हूं कि बृजभूषण शरण के खिलाफ कंप्लेंट करने वाले उन 6 विक्टिम में मैं भी शामिल हूं। मेरी गवाही भी कोर्ट में चल रही है।'

पहचान उजागर करने की वजह बताई

विनेश फोगाट ने कहा कि 'वह पहले इस मामले में अपनी पहचान सामने नहीं लाना चाहती थीं, क्योंकि मामला अभी अदालत में लंबित है।' उन्होंने कहा, 'सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन कहती है कि किसी भी पीड़िता की पहचान उजागर नहीं की जानी चाहिए, क्योंकि यह उसकी गरिमा और सम्मान से जुड़ा मामला है। लेकिन आज कुछ परिस्थितियों के कारण मैं आप सबको कुछ बताना चाहती हूं।' विनेश फोगाट ने खुलासा किया कि उनकी पहचान उजागर करने की सबसे बड़ी वजह WFI का गोंडा, उत्तर प्रदेश में रैंकिंग टूर्नामेंट और ट्रायल कराने का फैसला है। दरअसल, गोंडा में 'सीनियर ओपन रैंकिंग कुश्ती टूर्नामेंट' होने जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह प्रतियोगिता बृजभूषण शरण सिंह के निजी कॉलेज में कराई जा रही है, जिससे निष्पक्ष मुकाबले की उम्मीद करना मुश्किल है।

सरकार और खेल मंत्रालय पर भी साधा निशाना

विनेश ने कहा, कौन रेफरी, किसके मैच में जाएगा। कौन रेफरी कितने पॉइंट देगा, कौन मैच चेयरमैन कहां पर बैठेगा, किसको जितवाना है, किसको हरवाना है। ये सब बृजभूषण और उसके लोगों द्वारा कंट्रोल किया जाएगा। सरकार और हमारा खेल मंत्रालय मूक दर्शक बनकर इस चीज को देख रहा है। कोई खिलाड़ियों की मदद के लिए आगे नहीं आ रहा, मानो बृजभूषण को फ्री हैंड दिया हुआ है कि तुम जो मर्जी करो। चाहे तुम महिला पहलवानों के साथ कुछ करो या तुम कुश्ती जगत के साथ कुछ भी करो। हम तुम्हारे साथ में खड़े हैं।

3 साल पहले बृजभूषण पर लगाया था यौन उत्पीड़न का आरोप

बता दें कि करीब 3 साल पहले विनेश ने बृजभूषण पर महिला खिलाड़ियों के यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था। 18 जनवरी 2023 को रेसलर विनेश फोगाट, साक्षी मलिक और बजरंग पूनिया ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर धरना देकर बृजभूषण पर महिला रेसलर्स के साथ यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए थे। विनेश फोगाट ने रोते हुए कहा था- बृजभूषण शरण सिंह और कोच नेशनल कैंप में महिला रेसलर्स का यौन उत्पीड़न करते हैं। इसे लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर महिला पहलवानों ने बृजभूषण के खिलाफ धरना भी दिया था

वल्लभ भवन में ‘अल्पविराम’ कार्यक्रम, पुलिस कर्मियों को आंतरिक आनंद का दिया गया प्रशिक्षण

भोपाल। भोपाल स्थित मंत्रालय वल्लभ भवन में आनंद विभाग, मध्य प्रदेश शासन द्वारा ‘अल्पविराम’ (स्वयं की स्वयं से बात) विषय पर दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम वल्लभ भवन, सतपुड़ा एवं विंध्याचल भवन में कार्यरत पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए विशेष रूप से आयोजित किया गया।

प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को निजी जीवन और कार्यस्थल पर आनंद के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। साथ ही, जीवन में आंतरिक आनंद की भूमिका और मानसिक संतुलन बनाए रखने के उपायों पर भी प्रकाश डाला गया।

इस अवसर पर मंत्रालय के रजिस्ट्रार मनोज श्रीवास्तव, सहायक पुलिस आयुक्त (सुरक्षा) अविनाश शर्मा, आनंद विभाग की मास्टर ट्रेनर श्रीमती अंजना श्रीवास्तव सहित मुकेश, अजीत और समन्वयक के रूप में आनंद विभाग के मनु दीक्षित उपस्थित रहे। कार्यक्रम में सभी प्रतिभागियों ने सक्रिय भागीदारी करते हुए इसे उपयोगी और प्रेरणादायक बताया।

“करणी सेना का बड़ा एक्शन: भोपाल जिला अध्यक्ष आशु सिंह बर्खास्त, नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी के आरोप”

भोपाल: करणी सेना से जुड़े एक बड़े विवाद में संगठन ने सख्त कदम उठाते हुए भोपाल के जिला अध्यक्ष पद से आशु सिंह को हटा दिया है। यह कार्रवाई गंभीर धोखाधड़ी के आरोपों के बाद की गई है, जिनमें उन पर संगठन के सदस्यों और आम लोगों को सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर ठगने का आरोप है।

जानकारी के अनुसार, आशु सिंह पहले भी एक बड़े मामले में आरोपित रह चुके हैं। कोविड-19 महामारी के दौरान उन्होंने दतिया मेडिकल कॉलेज में सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर करीब 300 लोगों से पैसे वसूले थे। इस मामले में उनके खिलाफ कार्रवाई हुई थी और उन्हें जेल भी जाना पड़ा था।

बताया जा रहा है कि जेल से बाहर आने के बाद आशु सिंह ने कथित रूप से गलत तरीके से करणी सेना में  प्रवेश किया और संगठन के नाम का इस्तेमाल कर लोगों को सरकारी नौकरी दिलाने का भरोसा देकर धोखाधड़ी करना शुरू कर दिया। आरोप है कि उन्होंने खुद को प्रभावशाली पदाधिकारी बताकर कई सदस्यों और अन्य लोगों से रकम ली।

इस पूरे मामले के सामने आने के बाद करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. राज शेखावत ने सख्त रुख अपनाते हुए आधिकारिक पत्र जारी किया है। पत्र में स्पष्ट किया गया है कि आशु सिंह का संगठन से अब कोई संबंध नहीं है और उन्हें तत्काल प्रभाव से सभी पदों से निष्कासित कर दिया गया है।

संगठन ने अपने बयान में कहा है कि किसी भी प्रकार की धोखाधड़ी या गलत गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। साथ ही लोगों से अपील की गई है कि वे नौकरी दिलाने के नाम पर किए जाने वाले ऐसे दावों से सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना संबंधित अधिकारियों को दें।

यह मामला एक बार फिर दर्शाता है कि बेरोजगारी और कठिन समय का फायदा उठाकर कुछ लोग धोखाधड़ी करने से नहीं चूकते, ऐसे में सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है।

“करणी सेना का बड़ा एक्शन: भोपाल जिला अध्यक्ष आशु सिंह बर्खास्त, नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी के आरोप”

भोपाल: करणी सेना से जुड़े एक बड़े विवाद में संगठन ने सख्त कदम उठाते हुए भोपाल के जिला अध्यक्ष पद से आशु सिंह को हटा दिया है। यह कार्रवाई गंभीर धोखाधड़ी के आरोपों के बाद की गई है, जिनमें उन पर संगठन के सदस्यों और आम लोगों को सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर ठगने का आरोप है।

जानकारी के अनुसार, आशु सिंह पहले भी एक बड़े मामले में आरोपित रह चुके हैं। कोविड-19 महामारी के दौरान उन्होंने दतिया मेडिकल कॉलेज में सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर करीब 300 लोगों से पैसे वसूले थे। इस मामले में उनके खिलाफ कार्रवाई हुई थी और उन्हें जेल भी जाना पड़ा था।

बताया जा रहा है कि जेल से बाहर आने के बाद आशु सिंह ने कथित रूप से गलत तरीके से करणी सेना में प्रवेश किया और संगठन के नाम का इस्तेमाल कर लोगों को सरकारी नौकरी दिलाने का भरोसा देकर धोखाधड़ी करना शुरू कर दिया। आरोप है कि उन्होंने खुद को प्रभावशाली पदाधिकारी बताकर कई सदस्यों और अन्य लोगों से रकम ली।

इस पूरे मामले के सामने आने के बाद करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. राज शेखावत ने सख्त रुख अपनाते हुए आधिकारिक पत्र जारी किया है। पत्र में स्पष्ट किया गया है कि आशु सिंह का संगठन से अब कोई संबंध नहीं है और उन्हें तत्काल प्रभाव से सभी पदों से निष्कासित कर दिया गया है।

संगठन ने अपने बयान में कहा है कि किसी भी प्रकार की धोखाधड़ी या गलत गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। साथ ही लोगों से अपील की गई है कि वे नौकरी दिलाने के नाम पर किए जाने वाले ऐसे दावों से सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना संबंधित अधिकारियों को दें।

यह मामला एक बार फिर दर्शाता है कि बेरोजगारी और कठिन समय का फायदा उठाकर कुछ लोग धोखाधड़ी करने से नहीं चूकते, ऐसे में सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है।

दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण
मुंबई। महाराष्ट्र दिवस एवं मजदूर दिवस के अवसर पर भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति, जयपुर तथा कोटक महिंद्रा बैंक के सहयोग से दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण किया गया। यह कार्यक्रम रुग्ण साथी संस्था एवं साहस चैरिटेबल ट्रस्ट के संस्थापक एड. प्रफुल्ल नवार तथा रुग्ण मित्र विनोद साडविलकर की पहल पर शेठ चिमणलाल नथुराम हाईस्कूल, सांताक्रूज़ (पूर्व), मुंबई में आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में प्रमुख अतिथि के रूप में राज्य के सांस्कृतिक कार्य मंत्री तथा मुंबई उपनगर जिले के पालकमंत्री आशिष शेलार उपस्थित रहे। उनके हाथों दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण किया गया। इस अवसर पर सूचना का अधिकार कार्यकर्ता अनिल गलगली एवं डॉ. व्यास की विशेष उपस्थिति रही। साथ ही रुग्ण मित्र साथी जयश्री मोहितेनवार, रमेश चव्हाण, गोविंद मोरे, चारुदत्त पावसकर, गणेश पवार, दिनेश राणे, उदय साटम, नरसिंहराव होटगे, कमलेश साळकर, श्रद्धा अष्टीवकर, रुपाली कापसे, शशीप्रभा जाधव, एड. पूजा जाधव, हर्षल जाधव, रेहाना शेख, विपुल जैन, सलीम राज खान, इम्तियाज अली शेख तथा साहस चैरिटेबल ट्रस्ट के पदाधिकारी, शुभचिंतक एवं सहयोगी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
सामाजिक प्रतिबद्धता निभाते हुए दिव्यांगजनों को सहायता प्रदान करने वाला यह उपक्रम उत्कृष्ट नियोजन के साथ सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
अयोध्या में "दिल चीर के देख" की शूटिंग देखने के लिए उमड़ी भारी भीड़

अयोध्या। वेब सीरीज फिल्म "दिल चीर के देख" की शूटिंग कई दिनों से जारी है। गुप्तार घाट पर शूटिंग पूरी कर अयोध्या में कई अलग अलग स्थानों पर फिल्म की शूटिंग होना है। मुंबई से आई फिल्म यूनिट के

फिल्म प्रोड्यूसर सचिन पाण्डेय ने बताया कि "बॉम्बे शो स्टूडियोज" के बैनर तले यह फिल्म "सोनी लिव" के लिए अयोध्या में अलग अलग स्थानों पर शूटिंग होना है।

डायरेक्टर धर्मेश पटेल ने बताया कि हमारे फिल्म यूनिट टीम में 200 से 250 लोग सुबह से रात तक काम कर रहे हैं। इस वेब सीरीज फिल्म जो कि अयोध्या की कहानी से संबंधित है, अयोध्या में कई स्थानों पर स्थित मंदिर पर फिल्माया जाएगा। 

 फिल्म की नायिका एंजेल राय है, जो किसी पहचान की मोहताज नहीं है। एंजेल राय फिल्म में शालिनी का किरदार निभा रही है। न्यू दिल्ली की मूल निवासी, मुंबई में रह कर अपनी पहचान कई म्यूजिक एल्बम से बना चुकी है, जिनमें "जब छाए मेरा जादू" व "रांझणा" (जी म्यूजिक ) इन्हें काफी प्रसिद्धि दिलाई है। और अभी हाल ही में वेब सीरीज "घोटाला" मूवी भी इनकी आई थी जिसे लोगों ने खूब पसंद किया।

एंजेल राय (angelrai07) के इंस्टाग्राम प्लेटफार्म पर 2 करोड़ 52 लाख (25.2M) प्रशंसक है।फिल्म के नायक अनुज सिंह ढाका है।

आजमगढ़:सेवा का संदेश: समाजसेवी ने वृद्धाश्रम में बिताया दिन, जरूरतमंदों की मदद


वी कुमार यदुवंशी
आजमगढ़। फूलपुर तहसील क्षेत्र के शुक्लपूरा निवासी समाजसेवी, शिक्षिका एवं कवयित्री आराधना शुक्ला ने मानव सेवा की मिसाल पेश करते हुए असीलपुर स्थित वृद्धाश्रम में दिन बिताकर वृद्धजनों की सेवा की। शहर के एक प्रतिष्ठित विद्यालय में अध्यापन कार्य कर रहीं आराधना ने निजी उत्सवों से अलग हटकर समाज के जरूरतमंद वर्ग के बीच समय बिताने का संदेश दिया।
वृद्धाश्रम पहुंचकर उन्होंने वहां रह रहे बुजुर्गों के साथ समय बिताया और उनके सुख-दुख को करीब से जाना। इस दौरान उन्होंने अपने हाथों से भोजन वितरण कराया तथा फल व आवश्यक दवाइयों का वितरण भी किया। उनकी आत्मीयता और स्नेह से अभिभूत वृद्धजनों ने उन्हें आशीर्वाद दिया।
इस मौके पर आराधना शुक्ला ने कहा कि जरूरतमंदों के बीच समय बिताने से जो आत्मिक संतोष मिलता है, वह किसी भी अन्य सुख से बढ़कर है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अपने जीवन के खास पलों को सेवा और संवेदना से जोड़ें, ताकि समाज के वंचित वर्ग के जीवन में भी खुशियां लाई जा सकें।
आराधना शुक्ला की यह पहल सामाजिक सरोकारों के प्रति जागरूकता का संदेश देती है और यह दर्शाती है कि सच्ची खुशी दूसरों की सेवा और उनके चेहरे पर मुस्कान लाने में ही निहित है।
लू से बचाव के लिए ओपीडी भवन में बनेंगे ओआरएस काउंटर

*काउंटर पर मरीजों के साथ तीमारदारों के लिए भी होगी सुविधाएं*


रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भीषण गर्मी में लू से बचाव के लिए जिले के 29 स्वास्थ्य केंद्रों पर लू वार्ड सहित परिसर में दो से तीन स्थानों पर ओआरएस काउंटर बनाए जाएंगे। सीएमओ डॉॅ. एसके चक ने जिले के सभी अस्पतालों के अधीक्षकों को पत्र जारी कर यह व्यवस्था दुरूस्त किए जाने का निर्देश दिया है। ये काउंटर ओपीडी भवन, दवा कक्ष के आस-पास बनाया जाएंगे। विभागीय स्तर से इसकी लगातार मॉनीटरिंग भी की जाएगी।
आने वाले दिनों में लू के असर को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग की ओर से भी इसकी लगातार मॉनीटरिंग की जा रही है। जिले के 28 अस्पतालों में 90 लू से पीड़ित मरीजों के लिए बेड आरक्षित हैं। वहीं अब अस्पताल परिसर में ओआरएस काउंटर भी बनाए जाएंगे। अस्पताल परिसर में ओपीडी भवन, दवा काउंटर, लू वार्ड में ओआरएस काउंटर बनाए जाएंगे। जहां एक ग्लास भी रखा जाएगा। ताकि अस्पताल आने वाले मरीज, तीमारदार घोल का लाभ उठा सकें। नियमित काउंटर की स्थिति देखी जाएगी। जिला अस्पताल, महाराजा बलवंत सिंह राजकीय चिकित्सालय के अलावा छह सीएचसी, 20 पीएचसी सहित कुल 28 स्वास्थ्य केंद्रों पर रोजाना 5000 से 5500 की ओपीडी होती है। सीएमओ डॉ. एसके चक ने बताया कि 28 सेंटरों पर लू वार्ड बनाए गए हैं। बड़े अस्पताल परिसर में तीन और सीएचसी, पीएचसी में दो ओआरएस काउंटर बनाए जाएंगे। मरीजों, तीमारदारों की सुविधानुसार इसे बढ़ाया जा सकता है।
अयोध्या के राजस्व अभिलेखों को गोंडा में जलाया,पिकअप से लाकर पेट्रोल डालकर जलाया
*ढेमवाघाट पीपापुल के पास जलाए गए राजस्व अभिलेख

गोंडा।जिले के नवाबगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत ढेमवाघाट पीपापुल के पास अयोध्या जिले के राजस्व अभिलेखों के जलाए जाने का मामला सामने आया है।इन अभिलेखों को एक पिकअप वाहन में लादकर लाया गया था और पेट्रोल डालकर जलाया गया है।मौके से कई अधजले दस्तावेज मिले हैं जो अयोध्या जिले के बताए जा रहे हैं।गोंडा जिला प्रशासन को इन अभिलेखों को जलाए जाने की कोई आधिकारिक सूचना नहीं दी गई थी, इस घटना के बाद अधिकारियों में हड़कंप मच गया है।जलाए गए  दस्तावेजों में खतौनी,बैनामा,स्टांप,इकरारनामा व वसीयतनामा जैसे महत्वपूर्ण कागजात शामिल थे।जिस ढेमवाघाट पीपापुल के पास यह घटना हुई है वहां से मात्र 500 मीटर की दूरी पर ढेमवाघाट पुलिस चौकी है।पुलिसकर्मियों को भी इस बारे में कोई जानकारी नहीं थी और ना तो उन्हें सूचित किया गया था।नवाबगंज थानाध्यक्ष अभय सिंह ने बताया कि जलाए गए कागजात अयोध्या जिले के पुराने अभिलेख थे।उन्होंने पुष्टि किया कि पुलिसकर्मिर्यों को मौके पर भेज कर जांच कराई गई है और इसकी पुष्टि हुई है तथा उपजिलाधिकारी तरबगंज को भी इस पूरे मामले की जानकारी उपलब्ध करा दी गई है।मामले में उपजिलाधिकारी तरबगंज प्रदीप कुमार सिंह ने बताया कि पूरे मामले की जांच की जा रही है कि अभिलेख कहां से लाए गए थे।उन्होंने यह भी बताया कि पुलिस के अनुसार उक्त अभिलेख अयोध्या जिले के थे और राजस्व विभाग के अधिकारियों को भी मौके पर भेजा गया है।जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी कि यह अभिलेख हमारे गोंडा जनपद के नहीं हैं।उन्होंने यह भी बताया कि मौके से जो भी कागजात मिले हैं,उसको भी देखा जा रहा है।
आजमगढ़:सेवा का संदेश: समाजसेवी ने वृद्धाश्रम में बिताया दिन, जरूरतमंदों की मदद
वी कुमार यदुवंशी
आजमगढ़। फूलपुर तहसील क्षेत्र के शुक्लपूरा निवासी समाजसेवी, शिक्षिका एवं कवयित्री आराधना शुक्ला ने मानव सेवा की मिसाल पेश करते हुए असीलपुर स्थित वृद्धाश्रम में दिन बिताकर वृद्धजनों की सेवा की। शहर के एक प्रतिष्ठित विद्यालय में अध्यापन कार्य कर रहीं आराधना ने निजी उत्सवों से अलग हटकर समाज के जरूरतमंद वर्ग के बीच समय बिताने का संदेश दिया।
वृद्धाश्रम पहुंचकर उन्होंने वहां रह रहे बुजुर्गों के साथ समय बिताया और उनके सुख-दुख को करीब से जाना। इस दौरान उन्होंने अपने हाथों से भोजन वितरण कराया तथा फल व आवश्यक दवाइयों का वितरण भी किया। उनकी आत्मीयता और स्नेह से अभिभूत वृद्धजनों ने उन्हें आशीर्वाद दिया।
इस मौके पर आराधना शुक्ला ने कहा कि जरूरतमंदों के बीच समय बिताने से जो आत्मिक संतोष मिलता है, वह किसी भी अन्य सुख से बढ़कर है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अपने जीवन के खास पलों को सेवा और संवेदना से जोड़ें, ताकि समाज के वंचित वर्ग के जीवन में भी खुशियां लाई जा सकें।
आराधना शुक्ला की यह पहल सामाजिक सरोकारों के प्रति जागरूकता का संदेश देती है और यह दर्शाती है कि सच्ची खुशी दूसरों की सेवा और उनके चेहरे पर मुस्कान लाने में ही निहित है।
बृजभूषण के शोषण की मैं भी विक्टिम”, विनेश फोगाट ने लगाया गंभीर आरोप, जारी किया भावुक वीडियो

#vineshphogatsbigrevelationiwasharassedbybrijbhushan

भारतीय कुश्ती में एख बार फिर बड़ा विवाद सामने आया है। ओलिंपियन विनेश फोगाट ने भारतीय कुश्ती संघ के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह पर एक बार फिर गंभीर आरोप लगाए हैं। विनेश पोगाट ने चौंकाने वाला खुलासा करते हुए कहा है कि वह भारतीय कुश्ती महासंघ के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ शिकायत दर्ज कराने वाली छह महिला पहलवानों में से एक हैं।

पिछले डेढ़ साल से मैट से दूर थी-विनेश

विनेश ने सोशल मीडिया पर एक भावुक वीडियो शेयर करते हुए कहा, 'जैसा की सभी को पता है कि पिछले डेढ़ साल से मैं रेस्लिंग मैट से काफी दूर थी। लेकिन अब कुछ महीनों से मैं रेस्लिंग की तैयारियां कर रह रही हूं। बड़ी मेहनत और ईमानदारी से मेहनत कर रही हूं। जैसे मैंने पहले देश के लिए मेडल जीते, परमात्मा के आशीर्वाद से, आप सबके सहयोग से फिर से रेस्लिंग मैट पर जाऊं और देश के लिए ढेर सारे मेडल जीतूं और देश के तिरंगे का मान बनाए रखूं।'

मैं भी बृजभूषण के शोषण पीड़ित-विनेश

विनेश ने आगे कहा कि, 'मुझे नहीं लगता कि मैं अपना 100% दे पाऊंगी। एक लड़की के लिए ये काफी मुश्किल होगा।' उन्होंने कहा, आज कुछ मजबूरियों के चलते मैं कहना चाहती हूं कि बृजभूषण शरण के खिलाफ कंप्लेंट करने वाले उन 6 विक्टिम में मैं भी शामिल हूं। मेरी गवाही भी कोर्ट में चल रही है।'

पहचान उजागर करने की वजह बताई

विनेश फोगाट ने कहा कि 'वह पहले इस मामले में अपनी पहचान सामने नहीं लाना चाहती थीं, क्योंकि मामला अभी अदालत में लंबित है।' उन्होंने कहा, 'सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन कहती है कि किसी भी पीड़िता की पहचान उजागर नहीं की जानी चाहिए, क्योंकि यह उसकी गरिमा और सम्मान से जुड़ा मामला है। लेकिन आज कुछ परिस्थितियों के कारण मैं आप सबको कुछ बताना चाहती हूं।' विनेश फोगाट ने खुलासा किया कि उनकी पहचान उजागर करने की सबसे बड़ी वजह WFI का गोंडा, उत्तर प्रदेश में रैंकिंग टूर्नामेंट और ट्रायल कराने का फैसला है। दरअसल, गोंडा में 'सीनियर ओपन रैंकिंग कुश्ती टूर्नामेंट' होने जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह प्रतियोगिता बृजभूषण शरण सिंह के निजी कॉलेज में कराई जा रही है, जिससे निष्पक्ष मुकाबले की उम्मीद करना मुश्किल है।

सरकार और खेल मंत्रालय पर भी साधा निशाना

विनेश ने कहा, कौन रेफरी, किसके मैच में जाएगा। कौन रेफरी कितने पॉइंट देगा, कौन मैच चेयरमैन कहां पर बैठेगा, किसको जितवाना है, किसको हरवाना है। ये सब बृजभूषण और उसके लोगों द्वारा कंट्रोल किया जाएगा। सरकार और हमारा खेल मंत्रालय मूक दर्शक बनकर इस चीज को देख रहा है। कोई खिलाड़ियों की मदद के लिए आगे नहीं आ रहा, मानो बृजभूषण को फ्री हैंड दिया हुआ है कि तुम जो मर्जी करो। चाहे तुम महिला पहलवानों के साथ कुछ करो या तुम कुश्ती जगत के साथ कुछ भी करो। हम तुम्हारे साथ में खड़े हैं।

3 साल पहले बृजभूषण पर लगाया था यौन उत्पीड़न का आरोप

बता दें कि करीब 3 साल पहले विनेश ने बृजभूषण पर महिला खिलाड़ियों के यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था। 18 जनवरी 2023 को रेसलर विनेश फोगाट, साक्षी मलिक और बजरंग पूनिया ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर धरना देकर बृजभूषण पर महिला रेसलर्स के साथ यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए थे। विनेश फोगाट ने रोते हुए कहा था- बृजभूषण शरण सिंह और कोच नेशनल कैंप में महिला रेसलर्स का यौन उत्पीड़न करते हैं। इसे लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर महिला पहलवानों ने बृजभूषण के खिलाफ धरना भी दिया था

वल्लभ भवन में ‘अल्पविराम’ कार्यक्रम, पुलिस कर्मियों को आंतरिक आनंद का दिया गया प्रशिक्षण

भोपाल। भोपाल स्थित मंत्रालय वल्लभ भवन में आनंद विभाग, मध्य प्रदेश शासन द्वारा ‘अल्पविराम’ (स्वयं की स्वयं से बात) विषय पर दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम वल्लभ भवन, सतपुड़ा एवं विंध्याचल भवन में कार्यरत पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए विशेष रूप से आयोजित किया गया।

प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को निजी जीवन और कार्यस्थल पर आनंद के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। साथ ही, जीवन में आंतरिक आनंद की भूमिका और मानसिक संतुलन बनाए रखने के उपायों पर भी प्रकाश डाला गया।

इस अवसर पर मंत्रालय के रजिस्ट्रार मनोज श्रीवास्तव, सहायक पुलिस आयुक्त (सुरक्षा) अविनाश शर्मा, आनंद विभाग की मास्टर ट्रेनर श्रीमती अंजना श्रीवास्तव सहित मुकेश, अजीत और समन्वयक के रूप में आनंद विभाग के मनु दीक्षित उपस्थित रहे। कार्यक्रम में सभी प्रतिभागियों ने सक्रिय भागीदारी करते हुए इसे उपयोगी और प्रेरणादायक बताया।

“करणी सेना का बड़ा एक्शन: भोपाल जिला अध्यक्ष आशु सिंह बर्खास्त, नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी के आरोप”

भोपाल: करणी सेना से जुड़े एक बड़े विवाद में संगठन ने सख्त कदम उठाते हुए भोपाल के जिला अध्यक्ष पद से आशु सिंह को हटा दिया है। यह कार्रवाई गंभीर धोखाधड़ी के आरोपों के बाद की गई है, जिनमें उन पर संगठन के सदस्यों और आम लोगों को सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर ठगने का आरोप है।

जानकारी के अनुसार, आशु सिंह पहले भी एक बड़े मामले में आरोपित रह चुके हैं। कोविड-19 महामारी के दौरान उन्होंने दतिया मेडिकल कॉलेज में सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर करीब 300 लोगों से पैसे वसूले थे। इस मामले में उनके खिलाफ कार्रवाई हुई थी और उन्हें जेल भी जाना पड़ा था।

बताया जा रहा है कि जेल से बाहर आने के बाद आशु सिंह ने कथित रूप से गलत तरीके से करणी सेना में  प्रवेश किया और संगठन के नाम का इस्तेमाल कर लोगों को सरकारी नौकरी दिलाने का भरोसा देकर धोखाधड़ी करना शुरू कर दिया। आरोप है कि उन्होंने खुद को प्रभावशाली पदाधिकारी बताकर कई सदस्यों और अन्य लोगों से रकम ली।

इस पूरे मामले के सामने आने के बाद करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. राज शेखावत ने सख्त रुख अपनाते हुए आधिकारिक पत्र जारी किया है। पत्र में स्पष्ट किया गया है कि आशु सिंह का संगठन से अब कोई संबंध नहीं है और उन्हें तत्काल प्रभाव से सभी पदों से निष्कासित कर दिया गया है।

संगठन ने अपने बयान में कहा है कि किसी भी प्रकार की धोखाधड़ी या गलत गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। साथ ही लोगों से अपील की गई है कि वे नौकरी दिलाने के नाम पर किए जाने वाले ऐसे दावों से सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना संबंधित अधिकारियों को दें।

यह मामला एक बार फिर दर्शाता है कि बेरोजगारी और कठिन समय का फायदा उठाकर कुछ लोग धोखाधड़ी करने से नहीं चूकते, ऐसे में सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है।

“करणी सेना का बड़ा एक्शन: भोपाल जिला अध्यक्ष आशु सिंह बर्खास्त, नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी के आरोप”

भोपाल: करणी सेना से जुड़े एक बड़े विवाद में संगठन ने सख्त कदम उठाते हुए भोपाल के जिला अध्यक्ष पद से आशु सिंह को हटा दिया है। यह कार्रवाई गंभीर धोखाधड़ी के आरोपों के बाद की गई है, जिनमें उन पर संगठन के सदस्यों और आम लोगों को सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर ठगने का आरोप है।

जानकारी के अनुसार, आशु सिंह पहले भी एक बड़े मामले में आरोपित रह चुके हैं। कोविड-19 महामारी के दौरान उन्होंने दतिया मेडिकल कॉलेज में सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर करीब 300 लोगों से पैसे वसूले थे। इस मामले में उनके खिलाफ कार्रवाई हुई थी और उन्हें जेल भी जाना पड़ा था।

बताया जा रहा है कि जेल से बाहर आने के बाद आशु सिंह ने कथित रूप से गलत तरीके से करणी सेना में प्रवेश किया और संगठन के नाम का इस्तेमाल कर लोगों को सरकारी नौकरी दिलाने का भरोसा देकर धोखाधड़ी करना शुरू कर दिया। आरोप है कि उन्होंने खुद को प्रभावशाली पदाधिकारी बताकर कई सदस्यों और अन्य लोगों से रकम ली।

इस पूरे मामले के सामने आने के बाद करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. राज शेखावत ने सख्त रुख अपनाते हुए आधिकारिक पत्र जारी किया है। पत्र में स्पष्ट किया गया है कि आशु सिंह का संगठन से अब कोई संबंध नहीं है और उन्हें तत्काल प्रभाव से सभी पदों से निष्कासित कर दिया गया है।

संगठन ने अपने बयान में कहा है कि किसी भी प्रकार की धोखाधड़ी या गलत गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। साथ ही लोगों से अपील की गई है कि वे नौकरी दिलाने के नाम पर किए जाने वाले ऐसे दावों से सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना संबंधित अधिकारियों को दें।

यह मामला एक बार फिर दर्शाता है कि बेरोजगारी और कठिन समय का फायदा उठाकर कुछ लोग धोखाधड़ी करने से नहीं चूकते, ऐसे में सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है।

दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण
मुंबई। महाराष्ट्र दिवस एवं मजदूर दिवस के अवसर पर भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति, जयपुर तथा कोटक महिंद्रा बैंक के सहयोग से दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण किया गया। यह कार्यक्रम रुग्ण साथी संस्था एवं साहस चैरिटेबल ट्रस्ट के संस्थापक एड. प्रफुल्ल नवार तथा रुग्ण मित्र विनोद साडविलकर की पहल पर शेठ चिमणलाल नथुराम हाईस्कूल, सांताक्रूज़ (पूर्व), मुंबई में आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में प्रमुख अतिथि के रूप में राज्य के सांस्कृतिक कार्य मंत्री तथा मुंबई उपनगर जिले के पालकमंत्री आशिष शेलार उपस्थित रहे। उनके हाथों दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण किया गया। इस अवसर पर सूचना का अधिकार कार्यकर्ता अनिल गलगली एवं डॉ. व्यास की विशेष उपस्थिति रही। साथ ही रुग्ण मित्र साथी जयश्री मोहितेनवार, रमेश चव्हाण, गोविंद मोरे, चारुदत्त पावसकर, गणेश पवार, दिनेश राणे, उदय साटम, नरसिंहराव होटगे, कमलेश साळकर, श्रद्धा अष्टीवकर, रुपाली कापसे, शशीप्रभा जाधव, एड. पूजा जाधव, हर्षल जाधव, रेहाना शेख, विपुल जैन, सलीम राज खान, इम्तियाज अली शेख तथा साहस चैरिटेबल ट्रस्ट के पदाधिकारी, शुभचिंतक एवं सहयोगी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
सामाजिक प्रतिबद्धता निभाते हुए दिव्यांगजनों को सहायता प्रदान करने वाला यह उपक्रम उत्कृष्ट नियोजन के साथ सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।