খেলা মোহনবাগান সুপার জায়ান্ট  চেন্নাইয়িন এফসিকে ২-০ গোলে হারিয়ে দুর্দান্ত ম্যাচ উপহার দিল
*নিজস্ব প্রতিনিধি:* মোহনবাগান সুপার জায়ান্ট ইন্ডিয়ান সুপার লীগের ১৩তম ম্যাচে চেন্নাইয়িন এফসিকে ২-০ গোলে হারিয়ে আরও একটি দুর্দান্ত ম্যাচ উপহার দিল। সোমবার, কলকাতার বিবেকানন্দ যুব ভারতী ক্রীরাঙ্গনে এই ম্যাচটি অনুষ্ঠিত হয়। এই জয়ের ফলে মেরিনার্সরা ৬ পয়েন্ট নিয়ে টেবিলের দ্বিতীয় স্থানে উঠে এসেছে। কলকাতার আর এক প্রতিদ্বন্দ্বী ইস্ট বেঙ্গল এফসির সমান।তবে গোল পার্থক্যে পিছিয়ে রয়েছে, অন্যদিকে চেন্নাইয়িন এফসি ১১তম স্থানে রয়েছে। এদিন প্রথমার্ধের স্টপেজ টাইমের চতুর্থ মিনিটে জেমি ম্যাকলারেন গোল করে মেরিনার্সকে বিরতিতে সামান্য এগিয়ে দেন, এরপর ৬৫তম মিনিটে দিমিত্রিওস পেট্রাটোসের গোলে তিন পয়েন্ট নিশ্চিত হয়।পেট্রাটোসকে ম্যাচসেরা নির্বাচিত করা হয়।দুই দলের প্রধান কোচ সার্জিও লোবেরা এবং ক্লিফোর্ড মিরান্ডা ধারাবাহিকতা বজায় রাখার জন্য পরপর দ্বিতীয় ম্যাচের জন্য একই একাদশ ধরে রেখেছিলেন। মোহনবাগান এসজি প্রথম থেকেই তাদের ছন্দে ছিল, বলের দখল নিয়ে খেলছিল, অন্যদিকে চেন্নাইয়িন এফসি কাউন্টারে হুমকি দেওয়ার চেষ্টা করছিল। ডিনলিয়ানার ক্রসে ইনিগো মার্টিনকে পেয়ে চেন্নাইয়িন প্রথম গোলের সুযোগ তৈরি করে, কিন্তু স্প্যানিশ খেলোয়াড় বলের সাথে যোগাযোগ করতে পারেননি। ছবি: সঞ্জয় হাজরা (খবর কলকাতা)।
सिंगापुर में निवेश का बड़ा धमाका! Yogi Adityanath के नेतृत्व में 19,877 करोड़ के एमओयू, 20 हजार नौकरियों का रास्ता साफ
लखनऊ । मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सिंगापुर दौरे के पहले ही दिन उत्तर प्रदेश को वैश्विक निवेश का बड़ा तोहफा मिला। तीन प्रमुख अंतरराष्ट्रीय कंपनियों ने राज्य सरकार के साथ कुल 19,877 करोड़ रुपये के एमओयू पर हस्ताक्षर किए। इन परियोजनाओं से करीब 20,000 नए रोजगार सृजित होने का अनुमान है।मुख्यमंत्री ने निवेशकों को भरोसा दिलाया कि प्रदेश सरकार पारदर्शी नीतिगत ढांचा, त्वरित स्वीकृतियां और विश्वस्तरीय बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

Universal Success Group का मेगा प्लान

यूनिवर्सल सक्सेस ग्रुप ने उत्तर प्रदेश में 6,650 करोड़ रुपये के निवेश का प्रस्ताव रखा है, जिसमें ग्रुप हाउसिंग, लॉजिस्टिक्स पार्क और डेटा सेंटर जैसी परियोजनाएं शामिल हैं।

जेवर एयरपोर्ट के पास थीम टाउनशिप

स्थान: यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) क्षेत्र
भूमि: 100 एकड़
निवेश: 3,500 करोड़ रुपये
रोजगार: 12,000
शुरुआत: 2027

कानपुर-लखनऊ हाईवे पर लॉजिस्टिक्स पार्क

भूमि: 50 एकड़
निवेश: 650 करोड़ रुपये
रोजगार: 7,500
शुरुआत: अगले वर्ष

नोएडा/ग्रेटर नोएडा में हाइपरस्केल डेटा सेंटर पार्क

भूमि: 10 एकड़
क्षमता: 40 मेगावाट आईटी पावर
निवेश: 2,500 करोड़ रुपये
रोजगार: 1,500
प्रस्तावित शुरुआत: 2028
इन परियोजनाओं से शहरी विकास, औद्योगिक गतिविधियों और डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर को नई रफ्तार मिलेगी।

Golden State Capital का 8,000 करोड़ का डेटा सेंटर निवेश

गोल्डन स्टेट कैपिटल (GSC) ने उत्तर प्रदेश में 100 मेगावाट क्षमता के डेटा सेंटर की स्थापना के लिए 8,000 करोड़ रुपये के निवेश की घोषणा की है।बैठक के दौरान रूफटॉप सोलर, बैटरी स्टोरेज, ग्रिड सपोर्ट सॉल्यूशंस, ईवी चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और ग्रीन इंडस्ट्रियल पार्क जैसे स्वच्छ ऊर्जा आधारित प्रोजेक्ट्स पर भी चर्चा हुई।

ग्रीन एनर्जी पर फोकस

Private Infrastructure Development Group (PIDG) ने 2,500 करोड़ रुपये का एमओयू नवीकरणीय ऊर्जा, ग्रीन हाइड्रोजन और एग्री-पीवी परियोजनाओं के लिए किया। AVPN Limited ने भी नवीकरणीय ऊर्जा और एग्री-पीवी क्षेत्र में 2,727 करोड़ रुपये के निवेश का समझौता किया।

कौशल विकास में अंतरराष्ट्रीय साझेदारी

तकनीकी और व्यावसायिक शिक्षा एवं प्रशिक्षण (TVET) को मजबूत बनाने के लिए ITE Education Services (ITEES) के साथ सहयोग समझौता हुआ। इस साझेदारी के तहत:
शैक्षणिक विकास,बुनियादी ढांचे में सुधार,नेतृत्व और क्षमता निर्माण,ISQ प्रमाणन,क्वालिटी एश्योरेंस जैसे क्षेत्रों में तकनीकी सहयोग मिलेगा, जिससे उत्तर प्रदेश की स्किल व्यवस्था को वैश्विक मानकों के अनुरूप विकसित किया जाएगा।

निवेश से बदलेगी यूपी की तस्वीर

सिंगापुर दौरे के पहले दिन हुए इन समझौतों ने स्पष्ट संकेत दिया है कि उत्तर प्रदेश अब वैश्विक निवेशकों की पहली पसंद बनता जा रहा है। इंफ्रास्ट्रक्चर, डेटा सेंटर, ग्रीन एनर्जी और स्किल डेवलपमेंट के क्षेत्र में ये निवेश प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाई देंगे।
कानपुर में दर्दनाक कदम: पिता ने बेटी संग ट्रेन के आगे कूदकर दी जान

कानपुर । यूपी में Kanpur के कल्याणपुर निवासी विकास गुप्ता ने पारिवारिक विवाद के बाद अपनी 13 वर्षीय बेटी वेदिका के साथ ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या कर ली। घटना सोमवार रात करीब नौ बजे शुक्लागंज के गंगाघाट कोतवाली क्षेत्र स्थित सहजनी रेलवे क्रॉसिंग के पास कानपुर-लखनऊ रेल मार्ग पर हुई।

रेलवे ट्रैक पर पिता-पुत्री के शव मिलने से मचा हड़कंप

रेलवे ट्रैक पर पिता-पुत्री के शव मिलने से हड़कंप मच गया। सूचना गेटमैन ने स्टेशन मास्टर को दी, जिसके बाद आरपीएफ, जीआरपी और गंगाघाट पुलिस मौके पर पहुंची। दोनों शव ट्रैक पर करीब तीन मीटर की दूरी पर पड़े मिले। किशोरी का सिर और बायां हाथ धड़ से अलग हो गया था।

100 मीटर दूर मिली कार

घटनास्थल से लगभग 100 मीटर दूर एक लावारिस कार खड़ी मिली, जो लॉक थी। कार के अंदर दो पर्स और दो मोबाइल फोन रखे थे। मृतक विकास की कमर में चाबी का गुच्छा भी मिला। आशंका जताई जा रही है कि वही चाबी कार की थी।कार विकास के साले यश गुप्ता (हरबंश मोहाल कछियाना, कानपुर) के नाम पंजीकृत बताई गई है।

चार घंटे बाद हुई पहचान

घटना के करीब चार घंटे बाद पुलिस दोनों की शिनाख्त कर सकी। बताया गया कि विकास वर्तमान में सहजनी क्षेत्र में रह रहे थे। सूचना पर उनकी पत्नी डॉली देर रात थाने पहुंचीं, जहां पति और बेटी की मौत की खबर सुनकर वह बेहोश हो गईं।

ससुराल में विवाद के बाद डॉली मायके चली आई थीं

परिजनों के अनुसार, ससुराल में विवाद के बाद डॉली मायके चली आई थीं। सोमवार को मायके में भी पति-पत्नी के बीच विवाद हुआ। पुलिस का कहना है कि इसके बाद ही विकास अपनी बेटी को साथ लेकर घर से निकले और यह कदम उठा लिया।

पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल

मौके पर कार, मोबाइल और चाबी मिलने के बावजूद पहचान में चार घंटे लगने से पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पुलिस एप के माध्यम से वाहन का विवरण तुरंत प्राप्त किया जा सकता था, लेकिन नेटवर्क और एप न चलने का हवाला दिया गया।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आरपीएफ और स्थानीय पुलिस के बीच पंचनामा कार्रवाई को लेकर भी समन्वय की कमी दिखी।

ट्रेनों का संचालन प्रभावित

शव ट्रैक पर पड़े होने के कारण करीब 33 मिनट तक तेजस एक्सप्रेस सहजनी रेलवे क्रॉसिंग पर और 14 मिनट तक गोमती एक्सप्रेस गंगाघाट स्टेशन पर खड़ी रही।पुलिस ने दोनों शवों को उन्नाव पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया है। प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का बताया जा रहा है, हालांकि पुलिस पारिवारिक विवाद के पहलू की जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।
मेरठ में आग का कहर, जलती इमारत में जिंदा दफ्न हुआ परिवार, पांच मासूम समेत 6 की दर्दनाक मौत

मेरठ । यूपी के मेरठ में सोमवार रात एक दिल दहला देने वाला हादसा हो गया। यहां के लिसाड़ी गेट थानाक्षेत्र के किदवई नगर इस्लामाबाद की गली नंबर-3 में स्थित एक तीन मंजिला मकान अचानक आग की लपटों में घिर गया। कुछ ही मिनटों में पूरा घर धुएं से भर गया और अंदर फंसे मासूम बच्चों व महिला की दर्दनाक मौत हो गई।इस भयावह हादसे में एक ही परिवार के पांच बच्चों और एक महिला सहित कुल छह लोगों की जान चली गई। इलाके में मातम पसरा है और चीख-पुकार की गूंज देर रात तक सुनाई देती रही।

नमाज पढ़ने गए थे घर के पुरुष, पीछे छूट गया जलता घर

मकान कपड़ा कारोबारी इकबाल अहमद का बताया जा रहा है। घटना के समय इकबाल और उनके दोनों बेटे आसिम व फारूक तरावीह की नमाज पढ़ने मस्जिद गए हुए थे। घर में महिलाएं और बच्चे मौजूद थे।
रात करीब 9:30 बजे अचानक घर के अंदर से धुआं उठने लगा। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया। बताया जा रहा है कि आग इतनी तेजी से फैली कि किसी को संभलने का मौका तक नहीं मिला।

संकरी गलियां बनीं बाधा, लोग छतों से पहुंचे अंदर

घटना की सूचना मिलते ही आसपास के लोग मौके पर जमा हो गए। फायर ब्रिगेड को सूचना दी गई, लेकिन घनी आबादी और संकरी गलियों के कारण दमकल की गाड़ियां सीधे मौके तक नहीं पहुंच सकीं।
ऐसे में स्थानीय लोगों ने जान जोखिम में डालकर छतों के रास्ते घर में प्रवेश किया और झुलसे हुए बच्चों व महिलाओं को बाहर निकाला। तब तक बहुत देर हो चुकी थी।

अस्पताल में टूटी सांसें

घायलों को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने रुखसार (30 वर्ष), अकदस (3 वर्ष), नबिया (6 माह), इनायत (6 माह), महविश (12 वर्ष), हम्माद (4 वर्ष) को मृत घोषित कर दिया। जबकि दो लोग गंभीर रूप से झुलसे हैं, जिनका इलाज जारी है।

शॉर्ट सर्किट की आशंका

प्रशासन के अनुसार, प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। जिलाधिकारी डॉ. वीके सिंह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और राहत कार्य में आई बाधाओं की भी समीक्षा होगी।यह हादसा कई सवाल खड़े कर गया है—क्या घर में पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम थे? क्या फैक्ट्री और रिहाइश एक साथ होने से खतरा बढ़ा?फिलहाल, मेरठ के इस इलाके में मातम का माहौल है। पांच मासूमों की मौत ने पूरे शहर को झकझोर दिया है।
अज्ञान और भय ने दिया भूत प्रेत का जन्म  — डॉ. रमाकांत तिवारी ‘क्षितिज’
अमेठी। विकासखंड भेंटुआ के अंतर्गत स्थित उच्च माध्यमिक विद्यालय माहना हारीपुर में आयोजित एक प्रेरक परिचर्चा संगोष्ठी ज्ञान, तर्क और वैज्ञानिक चेतना का उत्सव बन गई। कार्यक्रम में प्रख्यात साहित्यकार एवं चिंतक डॉ. रमाकांत तिवारी ‘क्षितिज’ ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए स्पष्ट कहा, “भूत-प्रेत जैसी धारणाएं वास्तविकता नहीं, बल्कि मन का वहम हैं, जिन्हें अज्ञान और भय ने जन्म दिया है।” अपने ओजस्वी एवं तार्किक उद्बोधन में डॉ. तिवारी ने कहा कि शिक्षा का वास्तविक उद्देश्य मनुष्य को भ्रम के अंधकार से निकालकर सत्य के प्रकाश तक पहुंचाना है। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित किया कि वे हर विचार को तर्क और प्रमाण की कसौटी पर परखें।
“जब ज्ञान का दीपक प्रज्वलित होता है, तब अंधविश्वास के साए स्वतः ही विलीन हो जाते हैं,” उनके इन शब्दों ने सभागार में उपस्थित विद्यार्थियों के मन में नई चेतना का संचार किया। संगोष्ठी संवाद का सशक्त मंच बनी। छात्र-छात्राओं ने शिक्षा की गुणवत्ता, नैतिक मूल्यों के क्षरण, करियर निर्माण, सामाजिक कुरीतियों तथा आधुनिक जीवन की चुनौतियों पर प्रश्न पूछे। डॉ. तिवारी ने सहज, सरल और तथ्यपरक शैली में उनके उत्तर दिए, जिससे विद्यार्थियों के चेहरे संतोष और आत्मविश्वास से दमक उठे। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने बच्चों को तनावमुक्त जीवन के सूत्र भी बताए। परीक्षा के समय मानसिक संतुलन बनाए रखने, नियमित दिनचर्या अपनाने और सकारात्मक सोच विकसित करने पर विशेष बल दिया। विद्यार्थियों को योग और ध्यान का अभ्यास कराया गया तथा नृत्य के माध्यम से भी आत्म-अभिव्यक्ति और मानसिक प्रसन्नता का संदेश दिया गया।रचनात्मकता को प्रोत्साहन देने के उद्देश्य से ड्राइंग प्रतियोगिता का आयोजन भी किया गया। बच्चों ने विज्ञान, पर्यावरण, शिक्षा और सामाजिक जागरूकता जैसे विषयों पर सुंदर चित्र उकेरे। विजेता विद्यार्थियों को प्रमाण-पत्र एवं आकर्षक उपहार देकर सम्मानित किया गया। साथ ही सभी बच्चों को प्रोत्साहन स्वरूप पेन और पेंसिल भेंट की गई, जिससे उनका उत्साह दोगुना हो गया। इस अवसर पर विद्यालय के अध्यापक ललित कुमार ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि ऐसे बौद्धिक एवं रचनात्मक आयोजन विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास की आधारशिला रखते हैं। कार्यक्रम की सफलता में समस्त विद्यालय परिवार का उल्लेखनीय योगदान रहा।
पूरे आयोजन का वातावरण जिज्ञासा, संवाद, रचनात्मकता और सकारात्मक ऊर्जा से ओतप्रोत रहा। अंत में विद्यालय प्रबंधन ने आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार के प्रेरणादायी आयोजन विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, सामाजिक संवेदनशीलता और आत्मविश्वास का विकास करते हैं और यही सच्ची शिक्षा का लक्ष्य है।
रितिक दुबे ने स्व. शिवनारायण उपाध्याय के घर पहुंच कर प्रकट की शोक संवेदना
जौनपुर। जय भोलेनाथ सेवा संस्था के संस्थापक तथा राष्ट्रीय अध्यक्ष रितिक दुबे ने आज बदलापुर तहसील अंतर्गत स्थित रमनीपुर गांव में स्वर्गीय शिवनारायण उपाध्याय के घर आकर उनके परिवार जनों को सांत्वना देते हुए शोक संवेदना प्रकट किया। उन्होंने कहा कि स्वर्गीय शिवनारायण उपाध्याय अत्यंत विनम्र और सनातन धर्म के प्रति गहरी आस्था रखने वाले व्यक्ति थे। कैंसर के चलते पिछले दिनों उनकी मृत्यु हो गई थी। वह मुंबई के समीप नालासोपारा में रहते थे और रितिक दुबे की संस्था से जुड़े हुए थे। रितिक दुबे जौनपुर के बरसठी तहसील अंतर्गत स्थित सिरोली गांव के रहने वाले हैं। इस अवसर पर मुंबई के वरिष्ठ पत्रकार शिवपूजन पांडे, दीपक मिश्रा, सुनील पांडे,  अश्विन पांडे, शिवम तिवारी, के अलावा स्वर्गीय शिवनारायण उपाध्याय के बड़े भाई मारकंडे उपाध्याय, पुत्र प्रिंस उपाध्याय तथा रिकेन उपाध्याय उपस्थित रहे।
నల్లగొండ లో ముగిసిన సీఎం కప్ రాష్ట్ర స్థాయి ఖోఖో క్రీడలు
నల్లగొండ పట్టణంలోని మేకల అభినవ్ అవుట్డోర్ స్టేడియంలో గత నాలుగు రోజుల నుండి నిర్వహిస్తున్న రాష్ట్రస్థాయి ఖోఖో క్రీడల పోటీలు సోమవారం ముగిసాయి. బాలుర విభాగంలో ఆదిలాబాద్ జిల్లా, బాలికల విభాగంలో అసిఫాబాద్ జిల్లా విజయం సాధించి రాష్ట్రస్థాయిలో గోల్డ్ మెడల్ సాధించారు. ఈ సందర్భంగా డివైఎస్ఓ ఎండి అక్బర్ అలీ అధ్యక్షతన ఏర్పాటు చేసిన కార్యక్రమంలో ముఖ్యఅతిథిగా నల్గొండ మున్సిపల్ కార్పొరేషన్ మేయర్ బుర్రి చైతన్య, డిప్యూటీ మేయర్ అష్రఫ్ అలీ, గౌరవ అతిథిగా జిల్లా గ్రంధాలయ చైర్మన్
డా.హఫీజ్ ఖాన్, మాజీ మున్సిపల్ చైర్మన్ బుర్రి శ్రీనివాస్ రెడ్డి, తెలంగాణ కోకో అసోసియేషన్ ప్రధాన కార్యదర్శి నాది కృష్ణమూర్తి పాల్గొన్నారు.
ఈ పోటీలలో 33 జిల్లాల నుండి బాలికలు 450 మంది, బాలురు 450 మంది క్రీడాకారులు పాల్గొన్నారు. బాలికల విభాగంలో ద్వితీయ స్థానం నల్గొండ జిల్లా సాధించగా, బాలుర  విభాగంలో మేడ్చల్ మల్కాజిగిరి ద్వితీయ స్థానం పొందారు. వివిధ జిల్లాల నుంచి వచ్చిన కోచ్ మేనేజర్లు, టెక్నికల్ అఫీషియల్స్, వ్యాయామ ఉపాధ్యాయులు కార్యక్రమాన్ని విజయవంతం చేశారు.

ముఖ్య అతిథి నల్గొండ మున్సిపల్ కార్పొరేషన్ మేయర్ బుర్రి చైతన్య  మాట్లాడుతూ.. తెలంగాణ రాష్ట్రంలో క్రీడలను ప్రోత్సహించడానికి రాష్ట్ర ప్రభుత్వం ముఖ్యమంత్రి రేవంత్ రెడ్డి, మంత్రి కోమటిరెడ్డి వెంకటరెడ్డి ఎంతో కృషి చేస్తున్నారని తెలియజేస్తూ, గ్రామీణ క్రీడాకారులకు మంచి సదుపాయాలు కల్పిస్తూ మున్ముందు కూడా జిల్లా, రాష్ట్ర, జాతీయ స్థాయి పోటీలను నల్గొండలో నిర్వహిస్తామని తెలిపారు.
होली के रंग, स्वयं सहायता समूह की दीदियों के संग- ‘लखपति दीदी’ बनने की नई उड़ान

₹5 करोड़ बिक्री लक्ष्य के साथ यूपीएसआरएलएम का राज्यव्यापी अभियान

लखनऊ। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के निर्देशों के क्रम में उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (UPSRLM) द्वारा होली पर्व के अवसर पर स्वयं सहायता समूह (SHG) की दीदियों द्वारा निर्मित उत्पादों के विपणन एवं बिक्री को प्रोत्साहित करने हेतु विशेष राज्यव्यापी अभियान प्रारंभ किया गया है।

इस अभियान के अंतर्गत गुलाल/अबीर, पापड़, चिप्स, मिठाइयाँ, अगरबत्ती, हस्तशिल्प सहित विभिन्न स्थानीय उत्पादों की बिक्री को बढ़ावा दिया जा रहा है। श्री मौर्य के निर्देशानुसार सभी जनपदों में विकास भवन, कलेक्ट्रेट, तहसील एवं अन्य शासकीय परिसरों में SHG उत्पादों की प्रदर्शनी एवं बिक्री काउंटर स्थापित किए जा रहे हैं। साथ ही जिला प्रशासन, नगर निकायों एवं संबंधित विभागों के सहयोग से संस्थागत एवं सामूहिक खरीद को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है।

* 5 करोड़ रुपए की बिक्री का लक्ष्य
इस विशेष पहल के अंतर्गत राज्य स्तर पर ₹5 करोड़ की बिक्री का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिससे हजारों स्वयं सहायता समूह की दीदियों को प्रत्यक्ष आर्थिक लाभ प्राप्त होगा। सभी जनपदों को निर्देशित किया गया है कि वे उत्पादों का विवरण, बिक्री स्थल, संपर्क संख्या एवं प्रतिदिन की बिक्री प्रगति को गूगल शीट पर नियमित रूप से अपडेट करें, ताकि राज्य स्तर पर सतत निगरानी एवं समीक्षा सुनिश्चित की जा सके।

* हर्बल गुलाल से सुरक्षित होली
अभियान के तहत स्वयं सहायता समूह की महिलाएं प्राकृतिक संसाधनों से हर्बल गुलाल/अबीर तैयार कर रही हैं। इन रंगों को पलाश के फूल, चुकंदर, गेंदे के फूल, पालक के रस आदि प्राकृतिक तत्वों से बनाया जा रहा है। यह गुलाल पूर्णतः केमिकल-फ्री, त्वचा के लिए सुरक्षित एवं पर्यावरण-अनुकूल है। SHG दीदियों द्वारा निर्मित यह उत्पाद सुरक्षित और स्वास्थ्यवर्धक होली मनाने का संदेश भी देता है।

‘लखपति दीदी’ लक्ष्य की ओर मजबूत कदम
यह पहल स्वयं सहायता समूह की दीदियों को “लखपति दीदी” के लक्ष्य से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। पर्व आधारित बिक्री, स्थानीय उत्पादों की ब्रांडिंग एवं संस्थागत विपणन के माध्यम से महिलाओं की आय में निरंतर वृद्धि सुनिश्चित की जा रही है, जिससे वे आर्थिक रूप से सशक्त बनकर आत्मनिर्भरता की ओर अग्रसर हों।

मिशन निदेशक, राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन ने कहा कि होली जैसे प्रमुख पर्व पर स्थानीय उत्पादों को व्यापक बाजार उपलब्ध कराना ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक प्रभावी पहल है। यह अभियान “वोकल फॉर लोकल” की भावना को सशक्त करते हुए ग्रामीण उद्यमिता को नई ऊँचाइयों तक पहुंचाने का कार्य करेगा।
प्रयागराज: अलग-अलग स्थानों पर हुई मार्ग दुर्घटना में बारहवीं के दो छात्रों की माैत
प्रयागराज। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले में सोमवार को अलग-अलग स्थानों पर हुई मार्ग दुर्घटना में बारहवीं के दो छात्रों की मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस टीम ने शवाें कब्जे में लेकर विधिक कार्रवाई की।

पहली घटना प्रयागराज के खुल्दाबाद थाना क्षेत्र में डीएसए ग्राउंड में सोमवार को बस की टक्कर लगने से बारहवीं के छात्र की मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस टीम ने शव को कब्जे में लेकर परिवार को खबर दी। इस संबंध में जानकारी देते हुए पुलिस उपायुक्त नगर मनीष कुमार शांडिल्य ने बताया कि हादसे में नगर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र में स्थित सप्रू मार्ग निवासी मनीष कुमार (18) पुत्र श्याम सिंह की मौत हो गई। वह मोटरसाइकिल से बारहवीं की परीक्षा देने जा रहा था। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। दूसरी घटना प्रयागराज के खीरी थाना क्षेत्र के सीकी गांव के समीप सोमवार को दो मोटरसाइकिल की भिड़ंत में बारहवीं के छात्र गरुड़ कुमार (18) पुत्र संतोष मिश्रा की मौत हो गई। हादसे में दूसरे मोटरसाइकिल पर सवार छात्र घायल हुए हैं। हादसे के संबंध में जानकारी देते हुए पुलिस उपायुक्त यमुनानगर विवेक चन्द्र यादव ने बताया कि मृत छात्र गरुड़ कुमार मिश्रा मध्य प्रदेश के रीवा जिले में स्थित सोहागी थाना क्षेत्र के बजरा गांव निवासी संतोष मिश्रा का बेटा है। वह मोटरसाइकिल से बारहवीं की परीक्षा देने जा रहा था। लेकिन हादसे का शिकार हो गया। परिवार के लोग स्वरूपरानी नेहरू चिकित्सालय में पहुंचे हैं। पुलिस परिवार से प्रार्थना पत्र लेकर विधिक कार्रवाई कर रही है।
लखनऊ में 24 फरवरी से विशेष प्रदर्शनी, डाक टिकटों से जानिए जनगणना की कहानी
* ‘गिनती में आओ’ प्रदर्शनी में डाक अभिलेखों के जरिए सामने आएगा भारत की जनगणना का अनोखा सफर

लखनऊ। उत्तर प्रदेश राजकीय अभिलेखागार द्वारा राजधानी में एक विशेष प्रदर्शनी का आयोजन किया जा रहा है। ‘गिनती में आओ: भारत में जनगणना का डाक इतिहास’ विषय पर आधारित यह प्रदर्शनी 24 फरवरी से 28 फरवरी तक आयोजित होगी। इसका उद्देश्य छात्रों, शोधार्थियों और आम नागरिकों को ऐतिहासिक दस्तावेजों से जोड़ते हुए जनगणना के विकासक्रम से परिचित कराना है।
प्रदर्शनी का उद्घाटन 24 फरवरी को दोपहर 12:30 बजे शीतल वर्मा (निदेशक, जनगणना संचालन एवं नागरिक पंजीकरण) द्वारा किया जाएगा। यह आयोजन महानगर विस्तार स्थित शहीद स्मारक भवन, लखनऊ में होगा। प्रदर्शनी प्रतिदिन सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे तक आम जनता के लिए खुली रहेगी।

* डाक अभिलेखों में छिपी जनगणना की कहानी
प्रदर्शनी की विशेषता यह है कि इसमें डाक टिकटों, पोस्टमार्क, पुराने पत्रों और अन्य डाक अभिलेखों के माध्यम से भारत में जनगणना की ऐतिहासिक यात्रा को प्रस्तुत किया जाएगा। आमतौर पर जनगणना को केवल आंकड़ों तक सीमित समझा जाता है, लेकिन यह प्रदर्शनी बताएगी कि आज़ादी के बाद सूचना प्रसार, प्रशिक्षण सामग्री भेजने और सरकारी संवाद स्थापित करने में डाक विभाग की कितनी महत्वपूर्ण भूमिका रही है।

* नई पीढ़ी के लिए सीखने का अवसर
पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि जनगणना केवल आंकड़ों का संकलन नहीं, बल्कि देश के विकास की बुनियाद है। डाक टिकटों और अभिलेखीय दस्तावेजों के माध्यम से जनगणना के इतिहास को समझाने का यह प्रयास नई पीढ़ी को अतीत से जोड़ने का सशक्त माध्यम बनेगा।
इस प्रदर्शनी का संयोजन अज़ीम प्रेमजी विश्वविद्यालय, बेंगलुरु के अर्थशास्त्र विभाग के प्रोफेसर डॉ. विकास कुमार द्वारा किया गया है। आयोजन विशेष रूप से विद्यार्थियों, शोधकर्ताओं और इतिहास प्रेमियों के लिए उपयोगी साबित होगा तथा अभिलेखीय स्रोतों के माध्यम से आधुनिक भारत को समझने की नई संभावनाएं प्रस्तुत करेगा।
খেলা মোহনবাগান সুপার জায়ান্ট  চেন্নাইয়িন এফসিকে ২-০ গোলে হারিয়ে দুর্দান্ত ম্যাচ উপহার দিল
*নিজস্ব প্রতিনিধি:* মোহনবাগান সুপার জায়ান্ট ইন্ডিয়ান সুপার লীগের ১৩তম ম্যাচে চেন্নাইয়িন এফসিকে ২-০ গোলে হারিয়ে আরও একটি দুর্দান্ত ম্যাচ উপহার দিল। সোমবার, কলকাতার বিবেকানন্দ যুব ভারতী ক্রীরাঙ্গনে এই ম্যাচটি অনুষ্ঠিত হয়। এই জয়ের ফলে মেরিনার্সরা ৬ পয়েন্ট নিয়ে টেবিলের দ্বিতীয় স্থানে উঠে এসেছে। কলকাতার আর এক প্রতিদ্বন্দ্বী ইস্ট বেঙ্গল এফসির সমান।তবে গোল পার্থক্যে পিছিয়ে রয়েছে, অন্যদিকে চেন্নাইয়িন এফসি ১১তম স্থানে রয়েছে। এদিন প্রথমার্ধের স্টপেজ টাইমের চতুর্থ মিনিটে জেমি ম্যাকলারেন গোল করে মেরিনার্সকে বিরতিতে সামান্য এগিয়ে দেন, এরপর ৬৫তম মিনিটে দিমিত্রিওস পেট্রাটোসের গোলে তিন পয়েন্ট নিশ্চিত হয়।পেট্রাটোসকে ম্যাচসেরা নির্বাচিত করা হয়।দুই দলের প্রধান কোচ সার্জিও লোবেরা এবং ক্লিফোর্ড মিরান্ডা ধারাবাহিকতা বজায় রাখার জন্য পরপর দ্বিতীয় ম্যাচের জন্য একই একাদশ ধরে রেখেছিলেন। মোহনবাগান এসজি প্রথম থেকেই তাদের ছন্দে ছিল, বলের দখল নিয়ে খেলছিল, অন্যদিকে চেন্নাইয়িন এফসি কাউন্টারে হুমকি দেওয়ার চেষ্টা করছিল। ডিনলিয়ানার ক্রসে ইনিগো মার্টিনকে পেয়ে চেন্নাইয়িন প্রথম গোলের সুযোগ তৈরি করে, কিন্তু স্প্যানিশ খেলোয়াড় বলের সাথে যোগাযোগ করতে পারেননি। ছবি: সঞ্জয় হাজরা (খবর কলকাতা)।
सिंगापुर में निवेश का बड़ा धमाका! Yogi Adityanath के नेतृत्व में 19,877 करोड़ के एमओयू, 20 हजार नौकरियों का रास्ता साफ
लखनऊ । मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सिंगापुर दौरे के पहले ही दिन उत्तर प्रदेश को वैश्विक निवेश का बड़ा तोहफा मिला। तीन प्रमुख अंतरराष्ट्रीय कंपनियों ने राज्य सरकार के साथ कुल 19,877 करोड़ रुपये के एमओयू पर हस्ताक्षर किए। इन परियोजनाओं से करीब 20,000 नए रोजगार सृजित होने का अनुमान है।मुख्यमंत्री ने निवेशकों को भरोसा दिलाया कि प्रदेश सरकार पारदर्शी नीतिगत ढांचा, त्वरित स्वीकृतियां और विश्वस्तरीय बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

Universal Success Group का मेगा प्लान

यूनिवर्सल सक्सेस ग्रुप ने उत्तर प्रदेश में 6,650 करोड़ रुपये के निवेश का प्रस्ताव रखा है, जिसमें ग्रुप हाउसिंग, लॉजिस्टिक्स पार्क और डेटा सेंटर जैसी परियोजनाएं शामिल हैं।

जेवर एयरपोर्ट के पास थीम टाउनशिप

स्थान: यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) क्षेत्र
भूमि: 100 एकड़
निवेश: 3,500 करोड़ रुपये
रोजगार: 12,000
शुरुआत: 2027

कानपुर-लखनऊ हाईवे पर लॉजिस्टिक्स पार्क

भूमि: 50 एकड़
निवेश: 650 करोड़ रुपये
रोजगार: 7,500
शुरुआत: अगले वर्ष

नोएडा/ग्रेटर नोएडा में हाइपरस्केल डेटा सेंटर पार्क

भूमि: 10 एकड़
क्षमता: 40 मेगावाट आईटी पावर
निवेश: 2,500 करोड़ रुपये
रोजगार: 1,500
प्रस्तावित शुरुआत: 2028
इन परियोजनाओं से शहरी विकास, औद्योगिक गतिविधियों और डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर को नई रफ्तार मिलेगी।

Golden State Capital का 8,000 करोड़ का डेटा सेंटर निवेश

गोल्डन स्टेट कैपिटल (GSC) ने उत्तर प्रदेश में 100 मेगावाट क्षमता के डेटा सेंटर की स्थापना के लिए 8,000 करोड़ रुपये के निवेश की घोषणा की है।बैठक के दौरान रूफटॉप सोलर, बैटरी स्टोरेज, ग्रिड सपोर्ट सॉल्यूशंस, ईवी चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और ग्रीन इंडस्ट्रियल पार्क जैसे स्वच्छ ऊर्जा आधारित प्रोजेक्ट्स पर भी चर्चा हुई।

ग्रीन एनर्जी पर फोकस

Private Infrastructure Development Group (PIDG) ने 2,500 करोड़ रुपये का एमओयू नवीकरणीय ऊर्जा, ग्रीन हाइड्रोजन और एग्री-पीवी परियोजनाओं के लिए किया। AVPN Limited ने भी नवीकरणीय ऊर्जा और एग्री-पीवी क्षेत्र में 2,727 करोड़ रुपये के निवेश का समझौता किया।

कौशल विकास में अंतरराष्ट्रीय साझेदारी

तकनीकी और व्यावसायिक शिक्षा एवं प्रशिक्षण (TVET) को मजबूत बनाने के लिए ITE Education Services (ITEES) के साथ सहयोग समझौता हुआ। इस साझेदारी के तहत:
शैक्षणिक विकास,बुनियादी ढांचे में सुधार,नेतृत्व और क्षमता निर्माण,ISQ प्रमाणन,क्वालिटी एश्योरेंस जैसे क्षेत्रों में तकनीकी सहयोग मिलेगा, जिससे उत्तर प्रदेश की स्किल व्यवस्था को वैश्विक मानकों के अनुरूप विकसित किया जाएगा।

निवेश से बदलेगी यूपी की तस्वीर

सिंगापुर दौरे के पहले दिन हुए इन समझौतों ने स्पष्ट संकेत दिया है कि उत्तर प्रदेश अब वैश्विक निवेशकों की पहली पसंद बनता जा रहा है। इंफ्रास्ट्रक्चर, डेटा सेंटर, ग्रीन एनर्जी और स्किल डेवलपमेंट के क्षेत्र में ये निवेश प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाई देंगे।
कानपुर में दर्दनाक कदम: पिता ने बेटी संग ट्रेन के आगे कूदकर दी जान

कानपुर । यूपी में Kanpur के कल्याणपुर निवासी विकास गुप्ता ने पारिवारिक विवाद के बाद अपनी 13 वर्षीय बेटी वेदिका के साथ ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या कर ली। घटना सोमवार रात करीब नौ बजे शुक्लागंज के गंगाघाट कोतवाली क्षेत्र स्थित सहजनी रेलवे क्रॉसिंग के पास कानपुर-लखनऊ रेल मार्ग पर हुई।

रेलवे ट्रैक पर पिता-पुत्री के शव मिलने से मचा हड़कंप

रेलवे ट्रैक पर पिता-पुत्री के शव मिलने से हड़कंप मच गया। सूचना गेटमैन ने स्टेशन मास्टर को दी, जिसके बाद आरपीएफ, जीआरपी और गंगाघाट पुलिस मौके पर पहुंची। दोनों शव ट्रैक पर करीब तीन मीटर की दूरी पर पड़े मिले। किशोरी का सिर और बायां हाथ धड़ से अलग हो गया था।

100 मीटर दूर मिली कार

घटनास्थल से लगभग 100 मीटर दूर एक लावारिस कार खड़ी मिली, जो लॉक थी। कार के अंदर दो पर्स और दो मोबाइल फोन रखे थे। मृतक विकास की कमर में चाबी का गुच्छा भी मिला। आशंका जताई जा रही है कि वही चाबी कार की थी।कार विकास के साले यश गुप्ता (हरबंश मोहाल कछियाना, कानपुर) के नाम पंजीकृत बताई गई है।

चार घंटे बाद हुई पहचान

घटना के करीब चार घंटे बाद पुलिस दोनों की शिनाख्त कर सकी। बताया गया कि विकास वर्तमान में सहजनी क्षेत्र में रह रहे थे। सूचना पर उनकी पत्नी डॉली देर रात थाने पहुंचीं, जहां पति और बेटी की मौत की खबर सुनकर वह बेहोश हो गईं।

ससुराल में विवाद के बाद डॉली मायके चली आई थीं

परिजनों के अनुसार, ससुराल में विवाद के बाद डॉली मायके चली आई थीं। सोमवार को मायके में भी पति-पत्नी के बीच विवाद हुआ। पुलिस का कहना है कि इसके बाद ही विकास अपनी बेटी को साथ लेकर घर से निकले और यह कदम उठा लिया।

पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल

मौके पर कार, मोबाइल और चाबी मिलने के बावजूद पहचान में चार घंटे लगने से पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पुलिस एप के माध्यम से वाहन का विवरण तुरंत प्राप्त किया जा सकता था, लेकिन नेटवर्क और एप न चलने का हवाला दिया गया।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आरपीएफ और स्थानीय पुलिस के बीच पंचनामा कार्रवाई को लेकर भी समन्वय की कमी दिखी।

ट्रेनों का संचालन प्रभावित

शव ट्रैक पर पड़े होने के कारण करीब 33 मिनट तक तेजस एक्सप्रेस सहजनी रेलवे क्रॉसिंग पर और 14 मिनट तक गोमती एक्सप्रेस गंगाघाट स्टेशन पर खड़ी रही।पुलिस ने दोनों शवों को उन्नाव पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया है। प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का बताया जा रहा है, हालांकि पुलिस पारिवारिक विवाद के पहलू की जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।
मेरठ में आग का कहर, जलती इमारत में जिंदा दफ्न हुआ परिवार, पांच मासूम समेत 6 की दर्दनाक मौत

मेरठ । यूपी के मेरठ में सोमवार रात एक दिल दहला देने वाला हादसा हो गया। यहां के लिसाड़ी गेट थानाक्षेत्र के किदवई नगर इस्लामाबाद की गली नंबर-3 में स्थित एक तीन मंजिला मकान अचानक आग की लपटों में घिर गया। कुछ ही मिनटों में पूरा घर धुएं से भर गया और अंदर फंसे मासूम बच्चों व महिला की दर्दनाक मौत हो गई।इस भयावह हादसे में एक ही परिवार के पांच बच्चों और एक महिला सहित कुल छह लोगों की जान चली गई। इलाके में मातम पसरा है और चीख-पुकार की गूंज देर रात तक सुनाई देती रही।

नमाज पढ़ने गए थे घर के पुरुष, पीछे छूट गया जलता घर

मकान कपड़ा कारोबारी इकबाल अहमद का बताया जा रहा है। घटना के समय इकबाल और उनके दोनों बेटे आसिम व फारूक तरावीह की नमाज पढ़ने मस्जिद गए हुए थे। घर में महिलाएं और बच्चे मौजूद थे।
रात करीब 9:30 बजे अचानक घर के अंदर से धुआं उठने लगा। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया। बताया जा रहा है कि आग इतनी तेजी से फैली कि किसी को संभलने का मौका तक नहीं मिला।

संकरी गलियां बनीं बाधा, लोग छतों से पहुंचे अंदर

घटना की सूचना मिलते ही आसपास के लोग मौके पर जमा हो गए। फायर ब्रिगेड को सूचना दी गई, लेकिन घनी आबादी और संकरी गलियों के कारण दमकल की गाड़ियां सीधे मौके तक नहीं पहुंच सकीं।
ऐसे में स्थानीय लोगों ने जान जोखिम में डालकर छतों के रास्ते घर में प्रवेश किया और झुलसे हुए बच्चों व महिलाओं को बाहर निकाला। तब तक बहुत देर हो चुकी थी।

अस्पताल में टूटी सांसें

घायलों को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने रुखसार (30 वर्ष), अकदस (3 वर्ष), नबिया (6 माह), इनायत (6 माह), महविश (12 वर्ष), हम्माद (4 वर्ष) को मृत घोषित कर दिया। जबकि दो लोग गंभीर रूप से झुलसे हैं, जिनका इलाज जारी है।

शॉर्ट सर्किट की आशंका

प्रशासन के अनुसार, प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। जिलाधिकारी डॉ. वीके सिंह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और राहत कार्य में आई बाधाओं की भी समीक्षा होगी।यह हादसा कई सवाल खड़े कर गया है—क्या घर में पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम थे? क्या फैक्ट्री और रिहाइश एक साथ होने से खतरा बढ़ा?फिलहाल, मेरठ के इस इलाके में मातम का माहौल है। पांच मासूमों की मौत ने पूरे शहर को झकझोर दिया है।
अज्ञान और भय ने दिया भूत प्रेत का जन्म  — डॉ. रमाकांत तिवारी ‘क्षितिज’
अमेठी। विकासखंड भेंटुआ के अंतर्गत स्थित उच्च माध्यमिक विद्यालय माहना हारीपुर में आयोजित एक प्रेरक परिचर्चा संगोष्ठी ज्ञान, तर्क और वैज्ञानिक चेतना का उत्सव बन गई। कार्यक्रम में प्रख्यात साहित्यकार एवं चिंतक डॉ. रमाकांत तिवारी ‘क्षितिज’ ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए स्पष्ट कहा, “भूत-प्रेत जैसी धारणाएं वास्तविकता नहीं, बल्कि मन का वहम हैं, जिन्हें अज्ञान और भय ने जन्म दिया है।” अपने ओजस्वी एवं तार्किक उद्बोधन में डॉ. तिवारी ने कहा कि शिक्षा का वास्तविक उद्देश्य मनुष्य को भ्रम के अंधकार से निकालकर सत्य के प्रकाश तक पहुंचाना है। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित किया कि वे हर विचार को तर्क और प्रमाण की कसौटी पर परखें।
“जब ज्ञान का दीपक प्रज्वलित होता है, तब अंधविश्वास के साए स्वतः ही विलीन हो जाते हैं,” उनके इन शब्दों ने सभागार में उपस्थित विद्यार्थियों के मन में नई चेतना का संचार किया। संगोष्ठी संवाद का सशक्त मंच बनी। छात्र-छात्राओं ने शिक्षा की गुणवत्ता, नैतिक मूल्यों के क्षरण, करियर निर्माण, सामाजिक कुरीतियों तथा आधुनिक जीवन की चुनौतियों पर प्रश्न पूछे। डॉ. तिवारी ने सहज, सरल और तथ्यपरक शैली में उनके उत्तर दिए, जिससे विद्यार्थियों के चेहरे संतोष और आत्मविश्वास से दमक उठे। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने बच्चों को तनावमुक्त जीवन के सूत्र भी बताए। परीक्षा के समय मानसिक संतुलन बनाए रखने, नियमित दिनचर्या अपनाने और सकारात्मक सोच विकसित करने पर विशेष बल दिया। विद्यार्थियों को योग और ध्यान का अभ्यास कराया गया तथा नृत्य के माध्यम से भी आत्म-अभिव्यक्ति और मानसिक प्रसन्नता का संदेश दिया गया।रचनात्मकता को प्रोत्साहन देने के उद्देश्य से ड्राइंग प्रतियोगिता का आयोजन भी किया गया। बच्चों ने विज्ञान, पर्यावरण, शिक्षा और सामाजिक जागरूकता जैसे विषयों पर सुंदर चित्र उकेरे। विजेता विद्यार्थियों को प्रमाण-पत्र एवं आकर्षक उपहार देकर सम्मानित किया गया। साथ ही सभी बच्चों को प्रोत्साहन स्वरूप पेन और पेंसिल भेंट की गई, जिससे उनका उत्साह दोगुना हो गया। इस अवसर पर विद्यालय के अध्यापक ललित कुमार ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि ऐसे बौद्धिक एवं रचनात्मक आयोजन विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास की आधारशिला रखते हैं। कार्यक्रम की सफलता में समस्त विद्यालय परिवार का उल्लेखनीय योगदान रहा।
पूरे आयोजन का वातावरण जिज्ञासा, संवाद, रचनात्मकता और सकारात्मक ऊर्जा से ओतप्रोत रहा। अंत में विद्यालय प्रबंधन ने आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार के प्रेरणादायी आयोजन विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, सामाजिक संवेदनशीलता और आत्मविश्वास का विकास करते हैं और यही सच्ची शिक्षा का लक्ष्य है।
रितिक दुबे ने स्व. शिवनारायण उपाध्याय के घर पहुंच कर प्रकट की शोक संवेदना
जौनपुर। जय भोलेनाथ सेवा संस्था के संस्थापक तथा राष्ट्रीय अध्यक्ष रितिक दुबे ने आज बदलापुर तहसील अंतर्गत स्थित रमनीपुर गांव में स्वर्गीय शिवनारायण उपाध्याय के घर आकर उनके परिवार जनों को सांत्वना देते हुए शोक संवेदना प्रकट किया। उन्होंने कहा कि स्वर्गीय शिवनारायण उपाध्याय अत्यंत विनम्र और सनातन धर्म के प्रति गहरी आस्था रखने वाले व्यक्ति थे। कैंसर के चलते पिछले दिनों उनकी मृत्यु हो गई थी। वह मुंबई के समीप नालासोपारा में रहते थे और रितिक दुबे की संस्था से जुड़े हुए थे। रितिक दुबे जौनपुर के बरसठी तहसील अंतर्गत स्थित सिरोली गांव के रहने वाले हैं। इस अवसर पर मुंबई के वरिष्ठ पत्रकार शिवपूजन पांडे, दीपक मिश्रा, सुनील पांडे,  अश्विन पांडे, शिवम तिवारी, के अलावा स्वर्गीय शिवनारायण उपाध्याय के बड़े भाई मारकंडे उपाध्याय, पुत्र प्रिंस उपाध्याय तथा रिकेन उपाध्याय उपस्थित रहे।
నల్లగొండ లో ముగిసిన సీఎం కప్ రాష్ట్ర స్థాయి ఖోఖో క్రీడలు
నల్లగొండ పట్టణంలోని మేకల అభినవ్ అవుట్డోర్ స్టేడియంలో గత నాలుగు రోజుల నుండి నిర్వహిస్తున్న రాష్ట్రస్థాయి ఖోఖో క్రీడల పోటీలు సోమవారం ముగిసాయి. బాలుర విభాగంలో ఆదిలాబాద్ జిల్లా, బాలికల విభాగంలో అసిఫాబాద్ జిల్లా విజయం సాధించి రాష్ట్రస్థాయిలో గోల్డ్ మెడల్ సాధించారు. ఈ సందర్భంగా డివైఎస్ఓ ఎండి అక్బర్ అలీ అధ్యక్షతన ఏర్పాటు చేసిన కార్యక్రమంలో ముఖ్యఅతిథిగా నల్గొండ మున్సిపల్ కార్పొరేషన్ మేయర్ బుర్రి చైతన్య, డిప్యూటీ మేయర్ అష్రఫ్ అలీ, గౌరవ అతిథిగా జిల్లా గ్రంధాలయ చైర్మన్
డా.హఫీజ్ ఖాన్, మాజీ మున్సిపల్ చైర్మన్ బుర్రి శ్రీనివాస్ రెడ్డి, తెలంగాణ కోకో అసోసియేషన్ ప్రధాన కార్యదర్శి నాది కృష్ణమూర్తి పాల్గొన్నారు.
ఈ పోటీలలో 33 జిల్లాల నుండి బాలికలు 450 మంది, బాలురు 450 మంది క్రీడాకారులు పాల్గొన్నారు. బాలికల విభాగంలో ద్వితీయ స్థానం నల్గొండ జిల్లా సాధించగా, బాలుర  విభాగంలో మేడ్చల్ మల్కాజిగిరి ద్వితీయ స్థానం పొందారు. వివిధ జిల్లాల నుంచి వచ్చిన కోచ్ మేనేజర్లు, టెక్నికల్ అఫీషియల్స్, వ్యాయామ ఉపాధ్యాయులు కార్యక్రమాన్ని విజయవంతం చేశారు.

ముఖ్య అతిథి నల్గొండ మున్సిపల్ కార్పొరేషన్ మేయర్ బుర్రి చైతన్య  మాట్లాడుతూ.. తెలంగాణ రాష్ట్రంలో క్రీడలను ప్రోత్సహించడానికి రాష్ట్ర ప్రభుత్వం ముఖ్యమంత్రి రేవంత్ రెడ్డి, మంత్రి కోమటిరెడ్డి వెంకటరెడ్డి ఎంతో కృషి చేస్తున్నారని తెలియజేస్తూ, గ్రామీణ క్రీడాకారులకు మంచి సదుపాయాలు కల్పిస్తూ మున్ముందు కూడా జిల్లా, రాష్ట్ర, జాతీయ స్థాయి పోటీలను నల్గొండలో నిర్వహిస్తామని తెలిపారు.
होली के रंग, स्वयं सहायता समूह की दीदियों के संग- ‘लखपति दीदी’ बनने की नई उड़ान

₹5 करोड़ बिक्री लक्ष्य के साथ यूपीएसआरएलएम का राज्यव्यापी अभियान

लखनऊ। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के निर्देशों के क्रम में उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (UPSRLM) द्वारा होली पर्व के अवसर पर स्वयं सहायता समूह (SHG) की दीदियों द्वारा निर्मित उत्पादों के विपणन एवं बिक्री को प्रोत्साहित करने हेतु विशेष राज्यव्यापी अभियान प्रारंभ किया गया है।

इस अभियान के अंतर्गत गुलाल/अबीर, पापड़, चिप्स, मिठाइयाँ, अगरबत्ती, हस्तशिल्प सहित विभिन्न स्थानीय उत्पादों की बिक्री को बढ़ावा दिया जा रहा है। श्री मौर्य के निर्देशानुसार सभी जनपदों में विकास भवन, कलेक्ट्रेट, तहसील एवं अन्य शासकीय परिसरों में SHG उत्पादों की प्रदर्शनी एवं बिक्री काउंटर स्थापित किए जा रहे हैं। साथ ही जिला प्रशासन, नगर निकायों एवं संबंधित विभागों के सहयोग से संस्थागत एवं सामूहिक खरीद को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है।

* 5 करोड़ रुपए की बिक्री का लक्ष्य
इस विशेष पहल के अंतर्गत राज्य स्तर पर ₹5 करोड़ की बिक्री का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिससे हजारों स्वयं सहायता समूह की दीदियों को प्रत्यक्ष आर्थिक लाभ प्राप्त होगा। सभी जनपदों को निर्देशित किया गया है कि वे उत्पादों का विवरण, बिक्री स्थल, संपर्क संख्या एवं प्रतिदिन की बिक्री प्रगति को गूगल शीट पर नियमित रूप से अपडेट करें, ताकि राज्य स्तर पर सतत निगरानी एवं समीक्षा सुनिश्चित की जा सके।

* हर्बल गुलाल से सुरक्षित होली
अभियान के तहत स्वयं सहायता समूह की महिलाएं प्राकृतिक संसाधनों से हर्बल गुलाल/अबीर तैयार कर रही हैं। इन रंगों को पलाश के फूल, चुकंदर, गेंदे के फूल, पालक के रस आदि प्राकृतिक तत्वों से बनाया जा रहा है। यह गुलाल पूर्णतः केमिकल-फ्री, त्वचा के लिए सुरक्षित एवं पर्यावरण-अनुकूल है। SHG दीदियों द्वारा निर्मित यह उत्पाद सुरक्षित और स्वास्थ्यवर्धक होली मनाने का संदेश भी देता है।

‘लखपति दीदी’ लक्ष्य की ओर मजबूत कदम
यह पहल स्वयं सहायता समूह की दीदियों को “लखपति दीदी” के लक्ष्य से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। पर्व आधारित बिक्री, स्थानीय उत्पादों की ब्रांडिंग एवं संस्थागत विपणन के माध्यम से महिलाओं की आय में निरंतर वृद्धि सुनिश्चित की जा रही है, जिससे वे आर्थिक रूप से सशक्त बनकर आत्मनिर्भरता की ओर अग्रसर हों।

मिशन निदेशक, राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन ने कहा कि होली जैसे प्रमुख पर्व पर स्थानीय उत्पादों को व्यापक बाजार उपलब्ध कराना ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक प्रभावी पहल है। यह अभियान “वोकल फॉर लोकल” की भावना को सशक्त करते हुए ग्रामीण उद्यमिता को नई ऊँचाइयों तक पहुंचाने का कार्य करेगा।
प्रयागराज: अलग-अलग स्थानों पर हुई मार्ग दुर्घटना में बारहवीं के दो छात्रों की माैत
प्रयागराज। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले में सोमवार को अलग-अलग स्थानों पर हुई मार्ग दुर्घटना में बारहवीं के दो छात्रों की मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस टीम ने शवाें कब्जे में लेकर विधिक कार्रवाई की।

पहली घटना प्रयागराज के खुल्दाबाद थाना क्षेत्र में डीएसए ग्राउंड में सोमवार को बस की टक्कर लगने से बारहवीं के छात्र की मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस टीम ने शव को कब्जे में लेकर परिवार को खबर दी। इस संबंध में जानकारी देते हुए पुलिस उपायुक्त नगर मनीष कुमार शांडिल्य ने बताया कि हादसे में नगर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र में स्थित सप्रू मार्ग निवासी मनीष कुमार (18) पुत्र श्याम सिंह की मौत हो गई। वह मोटरसाइकिल से बारहवीं की परीक्षा देने जा रहा था। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। दूसरी घटना प्रयागराज के खीरी थाना क्षेत्र के सीकी गांव के समीप सोमवार को दो मोटरसाइकिल की भिड़ंत में बारहवीं के छात्र गरुड़ कुमार (18) पुत्र संतोष मिश्रा की मौत हो गई। हादसे में दूसरे मोटरसाइकिल पर सवार छात्र घायल हुए हैं। हादसे के संबंध में जानकारी देते हुए पुलिस उपायुक्त यमुनानगर विवेक चन्द्र यादव ने बताया कि मृत छात्र गरुड़ कुमार मिश्रा मध्य प्रदेश के रीवा जिले में स्थित सोहागी थाना क्षेत्र के बजरा गांव निवासी संतोष मिश्रा का बेटा है। वह मोटरसाइकिल से बारहवीं की परीक्षा देने जा रहा था। लेकिन हादसे का शिकार हो गया। परिवार के लोग स्वरूपरानी नेहरू चिकित्सालय में पहुंचे हैं। पुलिस परिवार से प्रार्थना पत्र लेकर विधिक कार्रवाई कर रही है।
लखनऊ में 24 फरवरी से विशेष प्रदर्शनी, डाक टिकटों से जानिए जनगणना की कहानी
* ‘गिनती में आओ’ प्रदर्शनी में डाक अभिलेखों के जरिए सामने आएगा भारत की जनगणना का अनोखा सफर

लखनऊ। उत्तर प्रदेश राजकीय अभिलेखागार द्वारा राजधानी में एक विशेष प्रदर्शनी का आयोजन किया जा रहा है। ‘गिनती में आओ: भारत में जनगणना का डाक इतिहास’ विषय पर आधारित यह प्रदर्शनी 24 फरवरी से 28 फरवरी तक आयोजित होगी। इसका उद्देश्य छात्रों, शोधार्थियों और आम नागरिकों को ऐतिहासिक दस्तावेजों से जोड़ते हुए जनगणना के विकासक्रम से परिचित कराना है।
प्रदर्शनी का उद्घाटन 24 फरवरी को दोपहर 12:30 बजे शीतल वर्मा (निदेशक, जनगणना संचालन एवं नागरिक पंजीकरण) द्वारा किया जाएगा। यह आयोजन महानगर विस्तार स्थित शहीद स्मारक भवन, लखनऊ में होगा। प्रदर्शनी प्रतिदिन सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे तक आम जनता के लिए खुली रहेगी।

* डाक अभिलेखों में छिपी जनगणना की कहानी
प्रदर्शनी की विशेषता यह है कि इसमें डाक टिकटों, पोस्टमार्क, पुराने पत्रों और अन्य डाक अभिलेखों के माध्यम से भारत में जनगणना की ऐतिहासिक यात्रा को प्रस्तुत किया जाएगा। आमतौर पर जनगणना को केवल आंकड़ों तक सीमित समझा जाता है, लेकिन यह प्रदर्शनी बताएगी कि आज़ादी के बाद सूचना प्रसार, प्रशिक्षण सामग्री भेजने और सरकारी संवाद स्थापित करने में डाक विभाग की कितनी महत्वपूर्ण भूमिका रही है।

* नई पीढ़ी के लिए सीखने का अवसर
पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि जनगणना केवल आंकड़ों का संकलन नहीं, बल्कि देश के विकास की बुनियाद है। डाक टिकटों और अभिलेखीय दस्तावेजों के माध्यम से जनगणना के इतिहास को समझाने का यह प्रयास नई पीढ़ी को अतीत से जोड़ने का सशक्त माध्यम बनेगा।
इस प्रदर्शनी का संयोजन अज़ीम प्रेमजी विश्वविद्यालय, बेंगलुरु के अर्थशास्त्र विभाग के प्रोफेसर डॉ. विकास कुमार द्वारा किया गया है। आयोजन विशेष रूप से विद्यार्थियों, शोधकर्ताओं और इतिहास प्रेमियों के लिए उपयोगी साबित होगा तथा अभिलेखीय स्रोतों के माध्यम से आधुनिक भारत को समझने की नई संभावनाएं प्रस्तुत करेगा।