ভোটের মঞ্চে ‘মালাবদল’! বক্তৃতার শেষে বাবুলের আবদারে জমে গেল মিনাখাঁর নির্বাচনী সভা
বসিরহাট : সুন্দরবনের হাওয়ায় রাজনীতি, আর তার মাঝেই একটু “বিনোদনের বাতাস”-এই দুইয়ের মিশেলে বসিরহাটের মিনাখাঁ যেন এক অন্যরকম নির্বাচনী মঞ্চের সাক্ষী থাকল। মিনাখাঁ বিধানসভার মোহনপুর গ্রাম পঞ্চায়েতের মুচিখোলা এলাকায় তৃণমূল প্রার্থী ঊষারাণী মণ্ডলের সমর্থনে আয়োজিত সভায় উপস্থিত হয়েছিলেন বাবুল সুপ্রিয়। শুরুটা ছিল একেবারে চেনা রাজনৈতিক ছন্দে। কেন্দ্র সরকারের বিরুদ্ধে কড়া সমালোচনা, এসআইআর নিয়ে তোপ, আর ভোটের বার্তা। কিন্তু শেষটা? সেটাই হয়ে গেল দিনের আসল “হাইলাইট”।
বক্তব্যের একেবারে শেষে হঠাৎ করেই বাবুলের গলায় ভেসে এল এক অন্যরকম অনুরোধ “এবার একটু মালাবদল হোক!” মঞ্চে উপস্থিত তৃণমূল প্রার্থী ঊষারাণী মণ্ডল এবং তার স্বামী তথা উত্তর ২৪ পরগণা জেলা পরিষদের তৃণমূলের পরিষদীয় দলনেতা মৃত্যুঞ্জয় মণ্ডল প্রথমে একটু অপ্রস্তুত হলেও, সাংসদের আবদার তো আর ফেলা যায় না! ফলাফল ভরা সভায়, দলীয় নেতা-কর্মী-সমর্থকদের সামনে, হেসে খেলে মালা বদল করে ফেললেন দু’জন। রাজনৈতিক সভা যেন মুহূর্তে পরিণত হল “লাইভ ফ্যামিলি ফাংশন”-এ! মঞ্চের সামনে দাঁড়িয়ে থাকা কর্মীদের মধ্যে শুরু হল ফিসফাস, তারপরই হেসে গড়াগড়ি অবস্থা। কেউ বলছেন, “এটা কি প্রচার সভা না বৌভাত?” আবার কেউ মোবাইল বার করে ভিডিও তুলতে ব্যস্ত।
ঊষারাণী মণ্ডল পরে অবশ্য পুরো বিষয়টাকে হাল্কা মেজাজেই নিলেন। তার কথায়, “সাংসদের আবদার, আর প্রচারের মধ্যে একটু বিনোদন, খারাপ কী?” অন্যদিকে, স্থানীয়দের বক্তব্য, "এমন দৃশ্য তারা আগে কোনো নির্বাচনী সভায় দেখেননি।" রাজনৈতিক বক্তব্যের মাঝে এমন “রোমান্টিক টুইস্ট” যে আসতে পারে, তা অনেকেরই কল্পনার বাইরে ছিল।
সব মিলিয়ে, ভোটের লড়াই যতই গম্ভীর হোক না কেন, মিনাখাঁর এই সভা প্রমাণ করে দিল রাজনীতিতেও মাঝে মাঝে হাসির খোরাক দরকার। আর সেই দায়িত্বটা সেদিন বেশ ভালোভাবেই সামলাল এই “মালাবদল এপিসোড”।
मिट्टी की बरदौल गिरने से परिवार बेघर, पशु दबे — ग्रामीणों की मदद से बची जान
आजमगढ़ जिले के अतरौलिया थाना क्षेत्र के बिहार पुर गांव में बीती रात एक बड़ा हादसा हो गया, जब समारू राजभर पुत्र सन्नू राजभर की मिट्टी से बनी बरदौल अचानक भरभराकर गिर गई। इस हादसे में एक कीमती भैंस मलबे में दब गई, जिसे स्थानीय ग्रामीणों की तत्परता से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। घटना में कुछ बकरियां और उनके बच्चे भी मलबे में दब गए थे, जिन्हें भी ग्रामीणों की मदद से बाहर निकाला गया। हालांकि, इस हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन पीड़ित परिवार को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। पीड़ित समारू राजभर ने बताया कि वह मेहनत-मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते हैं। बरदौल गिरने से अब उनका परिवार खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हो गया है, जिससे उनकी परेशानी और बढ़ गई है। घटना की सूचना अभी तक प्रशासन को नहीं दी गई है और न ही मौके पर कोई राजस्व अधिकारी पहुंचा है। सूचना मिलने पर ग्राम प्रधान मकरंद यादव मौके पर पहुंचे और पीड़ित परिवार को हर संभव मदद दिलाने का आश्वासन दिया। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि पीड़ित परिवार को जल्द से जल्द आर्थिक सहायता और रहने की व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए, ताकि वे इस संकट से उबर सकें।
आजमगढ़ : समाज सेवा के लिए याद किए गए स्व. मोती विश्वकर्मा, तेरहवीं में उमड़ा जनसैलाब
  सिद्धेश्वर पाण्डेय
   व्यूरो चीफ
आजमगढ़। राष्ट्रीय पत्रकार सुरक्षा परिषद (रजि.) जिला कमेटी आजमगढ़ के जिला सचिव विजय विश्वकर्मा के पिता स्वर्गीय मोती विश्वकर्मा की तेरहवीं एवं ब्रह्मभोज का कार्यक्रम सोमवार को ब्लॉक लालगंज के बहादुरपुर गांव स्थित उनके आवास पर सम्पन्न हुआ। इस दौरान बड़ी संख्या में संगठन के पदाधिकारी, स्थानीय लोग एवं शुभचिंतक उपस्थित रहे। कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने स्व. मोती विश्वकर्मा के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी तथा शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की। बताया गया कि स्व. मोती विश्वकर्मा का 30 मार्च 2026 को गंभीर बीमारी के चलते निधन हो गया था। वे अपने मिलनसार स्वभाव और समाज सेवा के प्रति समर्पण के लिए क्षेत्र में विशेष पहचान रखते थे। क्षेत्र में किसी भी व्यक्ति को समस्या होने पर वे तत्काल मदद के लिए पहुंच जाते थे और हर संभव सहयोग करने का प्रयास करते थे। राष्ट्रीय पत्रकार सुरक्षा परिषद के जिला संरक्षक श्रवण कुमार एवं जिलाध्यक्ष संजय कुमार ने श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि स्व. मोती विश्वकर्मा का जीवन समाज के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने कहा कि संगठन इस दुख की घड़ी में विजय विश्वकर्मा और उनके परिवार के साथ पूरी मजबूती से खड़ा है। इस अवसर पर जिला संगठन मंत्री दीपक लाल, जिला उपाध्यक्ष तुफानी चौहान, जिला सचिव अजय चौहान, जिला प्रवक्ता संजीव, जिला संगठन मंत्री दीपक भारती, महेश कुमार, जितेंद्र सिंह, कृपा शंकर यादव, सतीश चौहान सहित अनेक पदाधिकारी एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
कलवार इंटीग्रेटेड एसोसिएशन का स्थापना दिवस समारोह, दूसरे दिन जुटे प्रदेशभर के प्रतिनिधि
पूर्वी चम्पारण जिले के  हरसिद्धि मे कलवार इंटीग्रेटेड एसोसिएशन (KIA) के स्थापना दिवस सह सम्मान समारोह का द्वितीय दिवस रविवार को भव्य रूप से आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन बिहार के

पूर्व उप मुख्यमंत्री तारकेश्वर प्रसाद, पूर्व विधायक पवन जायसवाल, राजेंद्र गुप्ता, अशोक चौधरी एवं विधायक हेमराज गुप्ता ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया।इस अवसर पर अपने संबोधन में तारकेश्वर प्रसाद ने समाज की एकता पर बल देते हुए कहा कि सभी को एकजुट होकर समाज के उत्थान के लिए कार्य करना चाहिए। उन्होंने कहा कि हमारे पूर्वजों के कार्य प्रेरणास्रोत हैं, जिन्हें आगे बढ़ाते हुए समाज के सभी वर्गों के साथ सामंजस्य स्थापित करना जरूरी है। कार्यक्रम में वक्ताओं ने सामाजिक एकता, शिक्षा और आपसी सहयोग को समाज की प्रगति का आधार बताया। उन्होंने कहा कि संगठित समाज ही विकास की नई ऊंचाइयों को प्राप्त कर सकता है। इस समारोह में श्रीमती रंजीत गुप्ता, राकेश गुप्ता, पूर्व प्राचार्य जगत नारायण प्रसाद, पूर्व नगर उपसभापति राजकुमारी गुप्ता, बेतिया की उप महापौर गायत्री देवी, श्रीप्रकाश चौधरी,राजू भगत, कृष्ण कुमार ज्वेलर्स सहित बिहार के सभी 38 जिलों से आए KIA प्रतिनिधि बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।कार्यक्रम में समाज के विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाले लोगों को सम्मानित भी किया गया। आयोजकों ने बताया कि इस तरह के आयोजन से समाज में एकजुटता और जागरूकता का विस्तार होता है, जिससे आने वाली पीढ़ियों को नई दिशा मिलती है।
ভাটপাড়া বড় শ্রীরামপুরে বিজেপি কর্মী হামলার ঘটনায় ধৃত মূল অভিযুক্ত

প্রবীর রায়: জগদ্দল বিধানসভার অন্তর্গত ভাটপাড়া পৌরসভার ৩৫ নম্বর ওয়ার্ডে বড় শ্রীরামপুরে বিজেপি কর্মী রাজ কুমার সাউ ওরফে মনুর বাড়িতে গত ৯ই মার্চ দুপুরে হামলা চালানোর হয়।হামলা চালানোর অভিযোগ ওঠে তৃণমূল দুষ্কৃতীদের বিরুদ্ধে। অভিযোগ বিজেপি দলের পরিবর্তন যাত্রায় যোগ দিয়েছিল এই রাজু। সেই আক্রোশে ওইদিন দুপুরে রাজুর বাড়িতে হামলা চালায় দুষ্কৃতী সুজিত চৌধুরী ও তার দলবল। পরদিন রাজুর দাদা অমিত সাউ ভাটপাড়া থানায় লিখিত অভিযোগ দায়ের করেন। ঘটনার পর থেকে পলাতক ছিল সুজিত। গোপন সূত্রে খবর পেয়ে নারাণপুর বাদামতলা থেকে পুলিশ তাকে গ্রেফতার করল। পুলিশ ধৃতের কাছ থেকে আগ্নেয়াস্ত্র উদ্ধার করেছে। ও পাঁচটি কার্তুজ উদ্ধার করে।
अंतर्राज्यीय पशु चोर गिरोह के 6 सदस्य गिरफ्तार:भदोही पुलिस ने 32 भेड़, 15 बकरी और 25000 किए बरामद
रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भदोही में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरराज्यीय पशु चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है इस कार्रवाई में 6 शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें 3 महिलाएं और 3 पुरुष शामिल हैं।
मामला गोपीगंज और कोईरौना थाना क्षेत्र से जुड़ा है, जहां पुलिस ने तीन मुकदमों का सफल अनावरण करते हुए चेकिंग के दौरान गिरोह के सदस्यों को धर दबोचा है,पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार अभियुक्तों में सलमान, मोहम्मद एहसान खां, कमाल खां, बिट्टी जान, रजनी और रागिनी शामिल हैं,आरोपियों के कब्जे से 32 भेड़, 15 बकरियां, 25 हजार रुपये नगद, एक अपाचे बाइक और कई पहचान पत्र बरामद हुए हैं पूछताछ में सामने आया कि गिरोह के सदस्य दिन में इलाके में घूमकर रेकी करते थे और रात में भेड़-बकरियां चोरी कर पिकअप के जरिए मंडियों में बेच देते थे ,फिलहाल सभी आरोपियों को जेल भेज दिया गया है और गिरोह से जुड़े अन्य फरार सदस्यों की तलाश जारी है।
चोरी का आरोपी नकदी सहित गिरफ्तार
                                                     

रितेश मिश्रा

हरदोई !! कोतवाली शहर पुलिस द्वारा दुकान से नकदी चुराने के आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है प्राप्त बिबरण में 18अप्रैल को खेमकरन कोहली पुत्र दीपचन्द्र निवासी आबास बिकाश कालोनी सेक्टर ए ने कोतवाली मे दर्ज करबाई रिपोर्ट मे आरोप लगाया था कि हर्षित त्रिपाठी पुत्र सोनू त्रिपाठी निवासी मोहल्ला बुधबाजार कोतवाली शाहाबाद  ने पीडित के कैस काऊंटर से रूप ए चोरी कर लिए है पीडित की तहरीर के अनुसार  पुलिस ने मुकदमा पंजीक्रत करते हुए बिवेचनात्मक कार्यबाही के दौरान  धारा 317(2) बीएनएस की ब्रद्धि की जिसके क्रम मे उपनिरीक्षक उमेश चन्द्र तिबारी,आरक्षी भूपेन्द्र शाक्य,आरक्षी हरीशंकर और रिंकू द्वारा आरोपी को 5500 रूप ए नकदी सहित गिरफ्तार कर लिया गया है।
इलाहाबाद हाई कोर्ट ने 1086 न्यायिक अधिकारियों के कार्यक्षेत्र में किया बदलाव, एडीजे स्तर के 408 अधिकारियों का स्थानांतरण

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज । इलाहाबाद हाई कोर्ट प्रशासन ने 1,086 न्यायिक अधिकारियों के कार्यक्षेत्र में फिर बदलाव किया है। इससे पहले पांच अप्रैल को 710 न्यायिक अधिकारियों के स्थानांतरण व कार्यक्षेत्र में बदलाव किया गया था।

महानिबंधक मनजीत सिंह श्योराण की तरफ से 10 अप्रैल को जारी तीन अलग-अलग अधिसूचनाओं में एडीजे स्तर के 408, एडीशनल सिविल जज (सीनियर डिवीजन) के 277 तथा सिविल जज (जूनियर डिवीजन) स्तर के 401 अधिकारियों का स्थानांतरण हुआ है। कुछ का दायित्व उनके वर्तमान दायित्व वाले जिले में ही हुआ है। कुछ न्यायिक अधिकारी ग्राम न्यायालयों में न्यायाधिकारी पद पर भेजे गए हैं।

अधिसूचना के अनुसार प्रयागराज, प्रतापगढ़ व कौशांबी में प्रभावित सिविल जज जूनियर डिवीजन इस तरह हैं। सुश्री रबिन्स अल्का, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, मुरादाबाद आदेश कुमार श्रीवास्तव के स्थान पर न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, करछना प्रयागराज, संतोष कुमार वर्मा, सिविल जज (जूनियर डिवीजन), कादीपुर, सुलतानपुर रुपांशु आर्य के स्थान पर न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, मेजा, प्रयागराज तथा अमित मणि त्रिपाठी, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, एटा मनोज कुमार भास्कर के स्थान पर न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, हंडिया, प्रयागराज भेजे गए हैं।

इसी प्रकार पुष्पेंद्र कुमार गौतम, सिविल जज (जूनियर डिवीजन-एफटीसी) रामाबाई नगर 14वें वित्त आयोग की योजना के तहत सिविल जज (जूनियर डिवीजन एफटीसी) प्रयागराज नियुक्ति किए गए हैं। स्मिता रश्मि सिंह, अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), मैनपुरी को सुश्री श्रुति सिंह के स्थान पर महिलाओं के खिलाफ अपराध के मामलों की सुनवाई के लिए सिविल जज (जूनियर डिवीजन) (फास्ट ट्रैक कोर्ट), प्रयागराज नियुक्त किया गया है।

प्रतीक गुप्ता, न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, हसनगंज, उन्नाव अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), प्रयागराज बनाए गए हैं। श्रुति सिंह प्रयागराज में अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन) होंगी। स्मिता सोनाक्षी सिंघल, सिविल जज (जूनियर डिवीजन) (फास्ट ट्रैक कोर्ट), मुजफ्फरनगर अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), प्रयागराज होंगे। स्मिता सौरभि पाठक, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, शाहजहांपुर को न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रयागराज नियुक्त किया गया है।

अभय राजवंशी, न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, खेरागढ़, आगरा अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), प्रयागराज बनाए गए हैं। सौरभ आनंद, अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), प्रयागराज इसी जिले में न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, होंगे। सुश्री चारु नंद, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रयागराज इसी जिले में अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन) होंगी। अभिषेक शर्मा, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रयागराज भी यहीं अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन) नियुक्त किए गए हैं।

सुश्री आयुषी गोस्वामी, अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), गोरखपुर न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रयागराज नियुक्त की गई हैं। सुश्री अन्नू, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रयागराज यहीं सिविल जज (जूनियर डिवीजन) (पूर्व) होंगे। अम्बेश कुमार पांडेय, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, शाहजहांपुर प्रथम न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रयागराज नियुक्त किया गया है। स्मिता अनुकृति सिंह, सिविल जज (जूनियर डिवीजन), पीलीभीत को सुश्री शिखा चौधरी के स्थान पर सिविल जज (जूनियर डिवीजन) (पश्चिम), प्रयागराज बनाया गया।

सुनील गुप्ता, सिविल जज (जूनियर डिवीजन), भोगनीपुर, रामाबाई नगर को न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, पट्टी, प्रतापगढ़ नियुक्त किया गया है। अशोक कुमार-14, न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, बिलारी, मुरादाबाद को सिविल जज (जूनियर डिवीजन)/ न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, लालगंज अझारा, प्रतापगढ़ नियुक्त किया गया है। शांतनु सिंह, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रतापगढ़ यहीं अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन) बनाए गए हैं।

सुश्री अफीफा इरफान, अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), मथुरा न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रतापगढ़ नियुक्त की गई हैं। सुश्री सबा फातिमा, सिविल जज (जूनियर डिवीजन), बाराबंकी स्मिता नवज्योति के स्थान पर सिविल जज (जूनियर डिवीजन), प्रतापगढ़ नियुक्त किया गया है। सुमित गुप्ता-द्वितीय अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), सहारनपुर न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, चायल कौशांबी नियुक्त किए गए हैं।

मनु गुप्ता, अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), रायबरेली सिविल जज (जूनियर डिवीजन) (फास्ट ट्रैक कोर्ट), कौशांबी नियुक्त किए गए हैं। सुश्री वसुंधरा शर्मा, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, रायबरेली सिविल जज (जूनियर डिवीजन), कौशांबी नियुक्त किए गए हैं।

पिछले पांच वर्ष में कितनी फीस बढ़ाई, प्रयागराज के निजी स्कूलों से मांगा गया रिकार्ड; 10 दिन में देना होगा आंकड़ा

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज। शिक्षा का सत्र शुरू होने के साथ प्रत्येक वर्ष महंगी पढ़ाई का दर्द अभिभावकों को परेशान करता है। कहीं अधिक फीस की पीड़ा है तो कहीं हर साल बदली जाने वाली महंगी किताबों के रद्दी में जाने का दर्द। अभिभावकों के महंगी पढ़ाई के दर्द को दैनिक जागरण ने प्रमुखता से उठाया। इसके बाद प्रशासन हरकत में आया।

10 दिनों में रिकार्ड जमा करने के निर्देश

जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा की अध्यक्षता में संगम सभागार में जिला शुल्क नियामक समिति की बैठक हुई। साफ शब्दों में कहा गया कान्वेंट स्कूल मनमानी बंद करें। निर्देशों का पालन न करने वालों पर कार्रवाई की जाए। पिछले पांच वर्ष में कितनी फीस बढ़ी इसका रिकार्ड 10 दिनों में जमा कराने को कहा गया है।

स्कूल की वेबसाइट पर शुल्क का पूरा खाका है या नहीं?

डीएम ने कहा कि स्कूलों को नोटिस देकर पूछा जाएगा कि पहली के बाद अन्य कक्षाओं में एडमिशन फीस की वसूली क्यों हो रही है? वसूली गई फीस की तुलना में शिक्षक व अन्य कर्मियों के वेतन में कितनी बढ़ोतरी की गई। स्कूल की वेबसाइट पर शुल्क का पूरा खाका है या नहीं? स्कूल जिन दुकानों से पाठ्य सामग्री वितरित कराते हैं उन्हें सूचीबद्ध किया जाय। उनकी आय, जीएसटी का लेखा-जोखा और देय कर का विवरण जुटाते हुए आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।

शिकायत सुनेंगे नोडल अधिकारी बनाए गए सिटी मजिस्ट्रेट

इन प्रकरणों पर शिकायत सुनने के लिए नोडल अधिकारी सिटी मजिस्ट्रेट विनोद कुमार सिंह को बनाया गया है। उनके साथ डीआइओएस रहेंगे। जो फीस, स्टेशनी या अन्य शिकायतों पर कार्रवाई करेंगे। अभिभावक अपनी बात ई-मेल, कार्यालय में पत्र के जरिए व फोन से बता सकते हैं। प्रकरणों की जांच के बाद गड़बड़ी मिलने पर एक से पांच लाख रुपये तक का जुर्माना लगाने के साथ मान्यता समाप्त करने की कार्रवाई होगी।

शुल्क के अलावा अभिभावकों से कोई धनराशि नहीं लें

जिला विद्यालय निरीक्षक पीएन सिंह ने बताया कि सभी वित्तविहीन विद्यालयों चाहे वे सीबीएसई, सीआईएससीई, यूपी के हों वे अपनी शुल्क संरचना वेबसाइट व सूचना पट पर अनिवार्य रूप से प्रदर्शित करेंगे। शुल्क के अतिरिक्त अभिभावकों से कोई धनराशि नहीं ली जाएगी। शुल्क वृद्धि नवीनतम उपलब्ध उपभोक्ता मूल्य सूचकांक और छात्रों से वसूल किए गए पांच प्रतिशत शुल्क से अधिक नहीं होगी।

डीएम बोले- विलंब शुल्क पर 500 का जुर्माना नहीं चलेगा

डीएम ने कहा, जो विद्यालय अभिभावकों के देर से शुल्क जमा करने पर 500 रुपये जुर्माना लगा रहे हैं, वह तुरंत बंद कर दें। प्रत्येक इंटर कालेज, डिग्री काॅलेज और शिक्षण संस्थाओं में काउंसलर हैं या नहीं इसकी जांच की जाएगी। इसके साथ उन सभी दुकानों के लाइसेंस जांचे जाएंगे जो स्कूल की ओर से चिह्नित कर वस्तुओं को बेच रहे हैं।

15 दिन बाद फिर बैठक, होगी समीक्षा

डीएम ने जिला विद्यालय निरीक्षक को निर्देशित किया कि, समस्त बोर्ड के निजी विद्यालयों को पत्र जारी कर तीन वर्ष की आडिट रिपोर्ट, पांच वर्ष के शुल्क का विवरण जमा कराएं। शिक्षकों, कर्मचारियों के वेतन विवरण व वार्षिक वेतन वृद्धि की सूचना एक सप्ताह के भीतर लें। 15 दिन बाद फिर समिति की बैठक होगी।

प्रयागराज में निषादराज उद्यान पर साध्वी निरंजन ज्योति को करना पड़ा इंतजार, प्रोटोकॉल उल्लंघन पर जताई नाराजगी

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज। राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग की अध्यक्ष साध्वी निरंजन ज्योति को श्रृंगवेरपुर धाम में उपेक्षा का सामना करना पड़ा। प्रोटोकाल में कोई अधिकारी नहीं आया। वह निषादराज उद्यान गईं तो उसका गेट बंद था। उन्हें लगभग 30 मिनट तक गेट पर खड़ा रहना पड़ा।

करछना के विधायक पियूष रंजन निषाद ने जिलाधिकारी और क्षेत्रीय पर्यटन अधिकारी को फोन किया तब जाकर गेट खुला। उपेक्षा से नाराज निरंजन ज्योति ने इसकी शिकायत वरिष्ठ अधिकारियों से करने की बात की। धार्मिक पर्यटन को बढ़ाने के लिए प्रदेश सरकार ने प्रभु श्रीराम-निषादराज की मिलन स्थली श्रृंगवेरपुर धाम में व्यापक काम कराया है।

लगभग 10 एकड़ में निषादराज उद्यान बना है, जिसके मध्य में श्रीराम-निषादराज के गले मिलते कांस्य की प्रतिमा लगी है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने महाकुंभ से पहले इसका वर्चुअल लोकार्पण किया था। इसके बावजूद उद्यान बदहाल है। इसका गेट अक्सर बंद रहता है। साध्वी निरंजन ज्योति उद्यान का भ्रमण करने शुक्रवार की शाम लगभग 4.15 बजे पहुंचीं तो गेट बंद था।

इसकी वजह से उन्हें गेट के बाहर खड़ा रहना पड़ा। उद्यान में प्रवेश न मिलने पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त की। इस पर विधायक पियूष रंजन निषाद ने जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा को फोन करके नाराजगी व्यक्त की। इसके काफी देर बाद गेट खुला। विधायक ने बताया आयोग अध्यक्ष का प्रोटोकाल जारी होने के बावजूद कोई एसडीएम मिलने नहीं आया।

निषादराज उद्यान 10 दिनों से अनायास बंद किया गया है। पांच अप्रैल को निषादराज जयंती पर भी यह बंद था। यह अधिकारियों की मनमानी को दर्शाता है, जिसे स्वीकार नहीं किया जाएगा। इसके पहले साध्वी निरंजन ने श्रृंगवेरपुर धाम में निषादराज धर्मशाला का लोकार्पण किया।

ভোটের মঞ্চে ‘মালাবদল’! বক্তৃতার শেষে বাবুলের আবদারে জমে গেল মিনাখাঁর নির্বাচনী সভা
বসিরহাট : সুন্দরবনের হাওয়ায় রাজনীতি, আর তার মাঝেই একটু “বিনোদনের বাতাস”-এই দুইয়ের মিশেলে বসিরহাটের মিনাখাঁ যেন এক অন্যরকম নির্বাচনী মঞ্চের সাক্ষী থাকল। মিনাখাঁ বিধানসভার মোহনপুর গ্রাম পঞ্চায়েতের মুচিখোলা এলাকায় তৃণমূল প্রার্থী ঊষারাণী মণ্ডলের সমর্থনে আয়োজিত সভায় উপস্থিত হয়েছিলেন বাবুল সুপ্রিয়। শুরুটা ছিল একেবারে চেনা রাজনৈতিক ছন্দে। কেন্দ্র সরকারের বিরুদ্ধে কড়া সমালোচনা, এসআইআর নিয়ে তোপ, আর ভোটের বার্তা। কিন্তু শেষটা? সেটাই হয়ে গেল দিনের আসল “হাইলাইট”।
বক্তব্যের একেবারে শেষে হঠাৎ করেই বাবুলের গলায় ভেসে এল এক অন্যরকম অনুরোধ “এবার একটু মালাবদল হোক!” মঞ্চে উপস্থিত তৃণমূল প্রার্থী ঊষারাণী মণ্ডল এবং তার স্বামী তথা উত্তর ২৪ পরগণা জেলা পরিষদের তৃণমূলের পরিষদীয় দলনেতা মৃত্যুঞ্জয় মণ্ডল প্রথমে একটু অপ্রস্তুত হলেও, সাংসদের আবদার তো আর ফেলা যায় না! ফলাফল ভরা সভায়, দলীয় নেতা-কর্মী-সমর্থকদের সামনে, হেসে খেলে মালা বদল করে ফেললেন দু’জন। রাজনৈতিক সভা যেন মুহূর্তে পরিণত হল “লাইভ ফ্যামিলি ফাংশন”-এ! মঞ্চের সামনে দাঁড়িয়ে থাকা কর্মীদের মধ্যে শুরু হল ফিসফাস, তারপরই হেসে গড়াগড়ি অবস্থা। কেউ বলছেন, “এটা কি প্রচার সভা না বৌভাত?” আবার কেউ মোবাইল বার করে ভিডিও তুলতে ব্যস্ত।
ঊষারাণী মণ্ডল পরে অবশ্য পুরো বিষয়টাকে হাল্কা মেজাজেই নিলেন। তার কথায়, “সাংসদের আবদার, আর প্রচারের মধ্যে একটু বিনোদন, খারাপ কী?” অন্যদিকে, স্থানীয়দের বক্তব্য, "এমন দৃশ্য তারা আগে কোনো নির্বাচনী সভায় দেখেননি।" রাজনৈতিক বক্তব্যের মাঝে এমন “রোমান্টিক টুইস্ট” যে আসতে পারে, তা অনেকেরই কল্পনার বাইরে ছিল।
সব মিলিয়ে, ভোটের লড়াই যতই গম্ভীর হোক না কেন, মিনাখাঁর এই সভা প্রমাণ করে দিল রাজনীতিতেও মাঝে মাঝে হাসির খোরাক দরকার। আর সেই দায়িত্বটা সেদিন বেশ ভালোভাবেই সামলাল এই “মালাবদল এপিসোড”।
मिट्टी की बरदौल गिरने से परिवार बेघर, पशु दबे — ग्रामीणों की मदद से बची जान
आजमगढ़ जिले के अतरौलिया थाना क्षेत्र के बिहार पुर गांव में बीती रात एक बड़ा हादसा हो गया, जब समारू राजभर पुत्र सन्नू राजभर की मिट्टी से बनी बरदौल अचानक भरभराकर गिर गई। इस हादसे में एक कीमती भैंस मलबे में दब गई, जिसे स्थानीय ग्रामीणों की तत्परता से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। घटना में कुछ बकरियां और उनके बच्चे भी मलबे में दब गए थे, जिन्हें भी ग्रामीणों की मदद से बाहर निकाला गया। हालांकि, इस हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन पीड़ित परिवार को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। पीड़ित समारू राजभर ने बताया कि वह मेहनत-मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते हैं। बरदौल गिरने से अब उनका परिवार खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हो गया है, जिससे उनकी परेशानी और बढ़ गई है। घटना की सूचना अभी तक प्रशासन को नहीं दी गई है और न ही मौके पर कोई राजस्व अधिकारी पहुंचा है। सूचना मिलने पर ग्राम प्रधान मकरंद यादव मौके पर पहुंचे और पीड़ित परिवार को हर संभव मदद दिलाने का आश्वासन दिया। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि पीड़ित परिवार को जल्द से जल्द आर्थिक सहायता और रहने की व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए, ताकि वे इस संकट से उबर सकें।
आजमगढ़ : समाज सेवा के लिए याद किए गए स्व. मोती विश्वकर्मा, तेरहवीं में उमड़ा जनसैलाब
  सिद्धेश्वर पाण्डेय
   व्यूरो चीफ
आजमगढ़। राष्ट्रीय पत्रकार सुरक्षा परिषद (रजि.) जिला कमेटी आजमगढ़ के जिला सचिव विजय विश्वकर्मा के पिता स्वर्गीय मोती विश्वकर्मा की तेरहवीं एवं ब्रह्मभोज का कार्यक्रम सोमवार को ब्लॉक लालगंज के बहादुरपुर गांव स्थित उनके आवास पर सम्पन्न हुआ। इस दौरान बड़ी संख्या में संगठन के पदाधिकारी, स्थानीय लोग एवं शुभचिंतक उपस्थित रहे। कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने स्व. मोती विश्वकर्मा के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी तथा शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की। बताया गया कि स्व. मोती विश्वकर्मा का 30 मार्च 2026 को गंभीर बीमारी के चलते निधन हो गया था। वे अपने मिलनसार स्वभाव और समाज सेवा के प्रति समर्पण के लिए क्षेत्र में विशेष पहचान रखते थे। क्षेत्र में किसी भी व्यक्ति को समस्या होने पर वे तत्काल मदद के लिए पहुंच जाते थे और हर संभव सहयोग करने का प्रयास करते थे। राष्ट्रीय पत्रकार सुरक्षा परिषद के जिला संरक्षक श्रवण कुमार एवं जिलाध्यक्ष संजय कुमार ने श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि स्व. मोती विश्वकर्मा का जीवन समाज के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने कहा कि संगठन इस दुख की घड़ी में विजय विश्वकर्मा और उनके परिवार के साथ पूरी मजबूती से खड़ा है। इस अवसर पर जिला संगठन मंत्री दीपक लाल, जिला उपाध्यक्ष तुफानी चौहान, जिला सचिव अजय चौहान, जिला प्रवक्ता संजीव, जिला संगठन मंत्री दीपक भारती, महेश कुमार, जितेंद्र सिंह, कृपा शंकर यादव, सतीश चौहान सहित अनेक पदाधिकारी एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
कलवार इंटीग्रेटेड एसोसिएशन का स्थापना दिवस समारोह, दूसरे दिन जुटे प्रदेशभर के प्रतिनिधि
पूर्वी चम्पारण जिले के  हरसिद्धि मे कलवार इंटीग्रेटेड एसोसिएशन (KIA) के स्थापना दिवस सह सम्मान समारोह का द्वितीय दिवस रविवार को भव्य रूप से आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन बिहार के

पूर्व उप मुख्यमंत्री तारकेश्वर प्रसाद, पूर्व विधायक पवन जायसवाल, राजेंद्र गुप्ता, अशोक चौधरी एवं विधायक हेमराज गुप्ता ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया।इस अवसर पर अपने संबोधन में तारकेश्वर प्रसाद ने समाज की एकता पर बल देते हुए कहा कि सभी को एकजुट होकर समाज के उत्थान के लिए कार्य करना चाहिए। उन्होंने कहा कि हमारे पूर्वजों के कार्य प्रेरणास्रोत हैं, जिन्हें आगे बढ़ाते हुए समाज के सभी वर्गों के साथ सामंजस्य स्थापित करना जरूरी है। कार्यक्रम में वक्ताओं ने सामाजिक एकता, शिक्षा और आपसी सहयोग को समाज की प्रगति का आधार बताया। उन्होंने कहा कि संगठित समाज ही विकास की नई ऊंचाइयों को प्राप्त कर सकता है। इस समारोह में श्रीमती रंजीत गुप्ता, राकेश गुप्ता, पूर्व प्राचार्य जगत नारायण प्रसाद, पूर्व नगर उपसभापति राजकुमारी गुप्ता, बेतिया की उप महापौर गायत्री देवी, श्रीप्रकाश चौधरी,राजू भगत, कृष्ण कुमार ज्वेलर्स सहित बिहार के सभी 38 जिलों से आए KIA प्रतिनिधि बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।कार्यक्रम में समाज के विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाले लोगों को सम्मानित भी किया गया। आयोजकों ने बताया कि इस तरह के आयोजन से समाज में एकजुटता और जागरूकता का विस्तार होता है, जिससे आने वाली पीढ़ियों को नई दिशा मिलती है।
ভাটপাড়া বড় শ্রীরামপুরে বিজেপি কর্মী হামলার ঘটনায় ধৃত মূল অভিযুক্ত

প্রবীর রায়: জগদ্দল বিধানসভার অন্তর্গত ভাটপাড়া পৌরসভার ৩৫ নম্বর ওয়ার্ডে বড় শ্রীরামপুরে বিজেপি কর্মী রাজ কুমার সাউ ওরফে মনুর বাড়িতে গত ৯ই মার্চ দুপুরে হামলা চালানোর হয়।হামলা চালানোর অভিযোগ ওঠে তৃণমূল দুষ্কৃতীদের বিরুদ্ধে। অভিযোগ বিজেপি দলের পরিবর্তন যাত্রায় যোগ দিয়েছিল এই রাজু। সেই আক্রোশে ওইদিন দুপুরে রাজুর বাড়িতে হামলা চালায় দুষ্কৃতী সুজিত চৌধুরী ও তার দলবল। পরদিন রাজুর দাদা অমিত সাউ ভাটপাড়া থানায় লিখিত অভিযোগ দায়ের করেন। ঘটনার পর থেকে পলাতক ছিল সুজিত। গোপন সূত্রে খবর পেয়ে নারাণপুর বাদামতলা থেকে পুলিশ তাকে গ্রেফতার করল। পুলিশ ধৃতের কাছ থেকে আগ্নেয়াস্ত্র উদ্ধার করেছে। ও পাঁচটি কার্তুজ উদ্ধার করে।
अंतर्राज्यीय पशु चोर गिरोह के 6 सदस्य गिरफ्तार:भदोही पुलिस ने 32 भेड़, 15 बकरी और 25000 किए बरामद
रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भदोही में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरराज्यीय पशु चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है इस कार्रवाई में 6 शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें 3 महिलाएं और 3 पुरुष शामिल हैं।
मामला गोपीगंज और कोईरौना थाना क्षेत्र से जुड़ा है, जहां पुलिस ने तीन मुकदमों का सफल अनावरण करते हुए चेकिंग के दौरान गिरोह के सदस्यों को धर दबोचा है,पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार अभियुक्तों में सलमान, मोहम्मद एहसान खां, कमाल खां, बिट्टी जान, रजनी और रागिनी शामिल हैं,आरोपियों के कब्जे से 32 भेड़, 15 बकरियां, 25 हजार रुपये नगद, एक अपाचे बाइक और कई पहचान पत्र बरामद हुए हैं पूछताछ में सामने आया कि गिरोह के सदस्य दिन में इलाके में घूमकर रेकी करते थे और रात में भेड़-बकरियां चोरी कर पिकअप के जरिए मंडियों में बेच देते थे ,फिलहाल सभी आरोपियों को जेल भेज दिया गया है और गिरोह से जुड़े अन्य फरार सदस्यों की तलाश जारी है।
चोरी का आरोपी नकदी सहित गिरफ्तार
                                                     

रितेश मिश्रा

हरदोई !! कोतवाली शहर पुलिस द्वारा दुकान से नकदी चुराने के आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है प्राप्त बिबरण में 18अप्रैल को खेमकरन कोहली पुत्र दीपचन्द्र निवासी आबास बिकाश कालोनी सेक्टर ए ने कोतवाली मे दर्ज करबाई रिपोर्ट मे आरोप लगाया था कि हर्षित त्रिपाठी पुत्र सोनू त्रिपाठी निवासी मोहल्ला बुधबाजार कोतवाली शाहाबाद  ने पीडित के कैस काऊंटर से रूप ए चोरी कर लिए है पीडित की तहरीर के अनुसार  पुलिस ने मुकदमा पंजीक्रत करते हुए बिवेचनात्मक कार्यबाही के दौरान  धारा 317(2) बीएनएस की ब्रद्धि की जिसके क्रम मे उपनिरीक्षक उमेश चन्द्र तिबारी,आरक्षी भूपेन्द्र शाक्य,आरक्षी हरीशंकर और रिंकू द्वारा आरोपी को 5500 रूप ए नकदी सहित गिरफ्तार कर लिया गया है।
इलाहाबाद हाई कोर्ट ने 1086 न्यायिक अधिकारियों के कार्यक्षेत्र में किया बदलाव, एडीजे स्तर के 408 अधिकारियों का स्थानांतरण

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज । इलाहाबाद हाई कोर्ट प्रशासन ने 1,086 न्यायिक अधिकारियों के कार्यक्षेत्र में फिर बदलाव किया है। इससे पहले पांच अप्रैल को 710 न्यायिक अधिकारियों के स्थानांतरण व कार्यक्षेत्र में बदलाव किया गया था।

महानिबंधक मनजीत सिंह श्योराण की तरफ से 10 अप्रैल को जारी तीन अलग-अलग अधिसूचनाओं में एडीजे स्तर के 408, एडीशनल सिविल जज (सीनियर डिवीजन) के 277 तथा सिविल जज (जूनियर डिवीजन) स्तर के 401 अधिकारियों का स्थानांतरण हुआ है। कुछ का दायित्व उनके वर्तमान दायित्व वाले जिले में ही हुआ है। कुछ न्यायिक अधिकारी ग्राम न्यायालयों में न्यायाधिकारी पद पर भेजे गए हैं।

अधिसूचना के अनुसार प्रयागराज, प्रतापगढ़ व कौशांबी में प्रभावित सिविल जज जूनियर डिवीजन इस तरह हैं। सुश्री रबिन्स अल्का, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, मुरादाबाद आदेश कुमार श्रीवास्तव के स्थान पर न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, करछना प्रयागराज, संतोष कुमार वर्मा, सिविल जज (जूनियर डिवीजन), कादीपुर, सुलतानपुर रुपांशु आर्य के स्थान पर न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, मेजा, प्रयागराज तथा अमित मणि त्रिपाठी, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, एटा मनोज कुमार भास्कर के स्थान पर न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, हंडिया, प्रयागराज भेजे गए हैं।

इसी प्रकार पुष्पेंद्र कुमार गौतम, सिविल जज (जूनियर डिवीजन-एफटीसी) रामाबाई नगर 14वें वित्त आयोग की योजना के तहत सिविल जज (जूनियर डिवीजन एफटीसी) प्रयागराज नियुक्ति किए गए हैं। स्मिता रश्मि सिंह, अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), मैनपुरी को सुश्री श्रुति सिंह के स्थान पर महिलाओं के खिलाफ अपराध के मामलों की सुनवाई के लिए सिविल जज (जूनियर डिवीजन) (फास्ट ट्रैक कोर्ट), प्रयागराज नियुक्त किया गया है।

प्रतीक गुप्ता, न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, हसनगंज, उन्नाव अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), प्रयागराज बनाए गए हैं। श्रुति सिंह प्रयागराज में अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन) होंगी। स्मिता सोनाक्षी सिंघल, सिविल जज (जूनियर डिवीजन) (फास्ट ट्रैक कोर्ट), मुजफ्फरनगर अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), प्रयागराज होंगे। स्मिता सौरभि पाठक, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, शाहजहांपुर को न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रयागराज नियुक्त किया गया है।

अभय राजवंशी, न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, खेरागढ़, आगरा अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), प्रयागराज बनाए गए हैं। सौरभ आनंद, अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), प्रयागराज इसी जिले में न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, होंगे। सुश्री चारु नंद, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रयागराज इसी जिले में अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन) होंगी। अभिषेक शर्मा, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रयागराज भी यहीं अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन) नियुक्त किए गए हैं।

सुश्री आयुषी गोस्वामी, अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), गोरखपुर न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रयागराज नियुक्त की गई हैं। सुश्री अन्नू, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रयागराज यहीं सिविल जज (जूनियर डिवीजन) (पूर्व) होंगे। अम्बेश कुमार पांडेय, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, शाहजहांपुर प्रथम न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रयागराज नियुक्त किया गया है। स्मिता अनुकृति सिंह, सिविल जज (जूनियर डिवीजन), पीलीभीत को सुश्री शिखा चौधरी के स्थान पर सिविल जज (जूनियर डिवीजन) (पश्चिम), प्रयागराज बनाया गया।

सुनील गुप्ता, सिविल जज (जूनियर डिवीजन), भोगनीपुर, रामाबाई नगर को न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, पट्टी, प्रतापगढ़ नियुक्त किया गया है। अशोक कुमार-14, न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, बिलारी, मुरादाबाद को सिविल जज (जूनियर डिवीजन)/ न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, लालगंज अझारा, प्रतापगढ़ नियुक्त किया गया है। शांतनु सिंह, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रतापगढ़ यहीं अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन) बनाए गए हैं।

सुश्री अफीफा इरफान, अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), मथुरा न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, प्रतापगढ़ नियुक्त की गई हैं। सुश्री सबा फातिमा, सिविल जज (जूनियर डिवीजन), बाराबंकी स्मिता नवज्योति के स्थान पर सिविल जज (जूनियर डिवीजन), प्रतापगढ़ नियुक्त किया गया है। सुमित गुप्ता-द्वितीय अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), सहारनपुर न्यायाधीश, ग्राम न्यायालय, चायल कौशांबी नियुक्त किए गए हैं।

मनु गुप्ता, अतिरिक्त सिविल जज (जूनियर डिवीजन), रायबरेली सिविल जज (जूनियर डिवीजन) (फास्ट ट्रैक कोर्ट), कौशांबी नियुक्त किए गए हैं। सुश्री वसुंधरा शर्मा, न्यायिक मजिस्ट्रेट, प्रथम श्रेणी, रायबरेली सिविल जज (जूनियर डिवीजन), कौशांबी नियुक्त किए गए हैं।

पिछले पांच वर्ष में कितनी फीस बढ़ाई, प्रयागराज के निजी स्कूलों से मांगा गया रिकार्ड; 10 दिन में देना होगा आंकड़ा

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज। शिक्षा का सत्र शुरू होने के साथ प्रत्येक वर्ष महंगी पढ़ाई का दर्द अभिभावकों को परेशान करता है। कहीं अधिक फीस की पीड़ा है तो कहीं हर साल बदली जाने वाली महंगी किताबों के रद्दी में जाने का दर्द। अभिभावकों के महंगी पढ़ाई के दर्द को दैनिक जागरण ने प्रमुखता से उठाया। इसके बाद प्रशासन हरकत में आया।

10 दिनों में रिकार्ड जमा करने के निर्देश

जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा की अध्यक्षता में संगम सभागार में जिला शुल्क नियामक समिति की बैठक हुई। साफ शब्दों में कहा गया कान्वेंट स्कूल मनमानी बंद करें। निर्देशों का पालन न करने वालों पर कार्रवाई की जाए। पिछले पांच वर्ष में कितनी फीस बढ़ी इसका रिकार्ड 10 दिनों में जमा कराने को कहा गया है।

स्कूल की वेबसाइट पर शुल्क का पूरा खाका है या नहीं?

डीएम ने कहा कि स्कूलों को नोटिस देकर पूछा जाएगा कि पहली के बाद अन्य कक्षाओं में एडमिशन फीस की वसूली क्यों हो रही है? वसूली गई फीस की तुलना में शिक्षक व अन्य कर्मियों के वेतन में कितनी बढ़ोतरी की गई। स्कूल की वेबसाइट पर शुल्क का पूरा खाका है या नहीं? स्कूल जिन दुकानों से पाठ्य सामग्री वितरित कराते हैं उन्हें सूचीबद्ध किया जाय। उनकी आय, जीएसटी का लेखा-जोखा और देय कर का विवरण जुटाते हुए आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।

शिकायत सुनेंगे नोडल अधिकारी बनाए गए सिटी मजिस्ट्रेट

इन प्रकरणों पर शिकायत सुनने के लिए नोडल अधिकारी सिटी मजिस्ट्रेट विनोद कुमार सिंह को बनाया गया है। उनके साथ डीआइओएस रहेंगे। जो फीस, स्टेशनी या अन्य शिकायतों पर कार्रवाई करेंगे। अभिभावक अपनी बात ई-मेल, कार्यालय में पत्र के जरिए व फोन से बता सकते हैं। प्रकरणों की जांच के बाद गड़बड़ी मिलने पर एक से पांच लाख रुपये तक का जुर्माना लगाने के साथ मान्यता समाप्त करने की कार्रवाई होगी।

शुल्क के अलावा अभिभावकों से कोई धनराशि नहीं लें

जिला विद्यालय निरीक्षक पीएन सिंह ने बताया कि सभी वित्तविहीन विद्यालयों चाहे वे सीबीएसई, सीआईएससीई, यूपी के हों वे अपनी शुल्क संरचना वेबसाइट व सूचना पट पर अनिवार्य रूप से प्रदर्शित करेंगे। शुल्क के अतिरिक्त अभिभावकों से कोई धनराशि नहीं ली जाएगी। शुल्क वृद्धि नवीनतम उपलब्ध उपभोक्ता मूल्य सूचकांक और छात्रों से वसूल किए गए पांच प्रतिशत शुल्क से अधिक नहीं होगी।

डीएम बोले- विलंब शुल्क पर 500 का जुर्माना नहीं चलेगा

डीएम ने कहा, जो विद्यालय अभिभावकों के देर से शुल्क जमा करने पर 500 रुपये जुर्माना लगा रहे हैं, वह तुरंत बंद कर दें। प्रत्येक इंटर कालेज, डिग्री काॅलेज और शिक्षण संस्थाओं में काउंसलर हैं या नहीं इसकी जांच की जाएगी। इसके साथ उन सभी दुकानों के लाइसेंस जांचे जाएंगे जो स्कूल की ओर से चिह्नित कर वस्तुओं को बेच रहे हैं।

15 दिन बाद फिर बैठक, होगी समीक्षा

डीएम ने जिला विद्यालय निरीक्षक को निर्देशित किया कि, समस्त बोर्ड के निजी विद्यालयों को पत्र जारी कर तीन वर्ष की आडिट रिपोर्ट, पांच वर्ष के शुल्क का विवरण जमा कराएं। शिक्षकों, कर्मचारियों के वेतन विवरण व वार्षिक वेतन वृद्धि की सूचना एक सप्ताह के भीतर लें। 15 दिन बाद फिर समिति की बैठक होगी।

प्रयागराज में निषादराज उद्यान पर साध्वी निरंजन ज्योति को करना पड़ा इंतजार, प्रोटोकॉल उल्लंघन पर जताई नाराजगी

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज। राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग की अध्यक्ष साध्वी निरंजन ज्योति को श्रृंगवेरपुर धाम में उपेक्षा का सामना करना पड़ा। प्रोटोकाल में कोई अधिकारी नहीं आया। वह निषादराज उद्यान गईं तो उसका गेट बंद था। उन्हें लगभग 30 मिनट तक गेट पर खड़ा रहना पड़ा।

करछना के विधायक पियूष रंजन निषाद ने जिलाधिकारी और क्षेत्रीय पर्यटन अधिकारी को फोन किया तब जाकर गेट खुला। उपेक्षा से नाराज निरंजन ज्योति ने इसकी शिकायत वरिष्ठ अधिकारियों से करने की बात की। धार्मिक पर्यटन को बढ़ाने के लिए प्रदेश सरकार ने प्रभु श्रीराम-निषादराज की मिलन स्थली श्रृंगवेरपुर धाम में व्यापक काम कराया है।

लगभग 10 एकड़ में निषादराज उद्यान बना है, जिसके मध्य में श्रीराम-निषादराज के गले मिलते कांस्य की प्रतिमा लगी है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने महाकुंभ से पहले इसका वर्चुअल लोकार्पण किया था। इसके बावजूद उद्यान बदहाल है। इसका गेट अक्सर बंद रहता है। साध्वी निरंजन ज्योति उद्यान का भ्रमण करने शुक्रवार की शाम लगभग 4.15 बजे पहुंचीं तो गेट बंद था।

इसकी वजह से उन्हें गेट के बाहर खड़ा रहना पड़ा। उद्यान में प्रवेश न मिलने पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त की। इस पर विधायक पियूष रंजन निषाद ने जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा को फोन करके नाराजगी व्यक्त की। इसके काफी देर बाद गेट खुला। विधायक ने बताया आयोग अध्यक्ष का प्रोटोकाल जारी होने के बावजूद कोई एसडीएम मिलने नहीं आया।

निषादराज उद्यान 10 दिनों से अनायास बंद किया गया है। पांच अप्रैल को निषादराज जयंती पर भी यह बंद था। यह अधिकारियों की मनमानी को दर्शाता है, जिसे स्वीकार नहीं किया जाएगा। इसके पहले साध्वी निरंजन ने श्रृंगवेरपुर धाम में निषादराज धर्मशाला का लोकार्पण किया।