*प्रदेश में मिली चौथी रैंक, फिर भी 45 स्कूलों में 10 से कम नामांकन*

*शिक्षा सत्र 2026-2027 के 20 दिनों में 16 हजार से ज्यादा बच्चों को जनपद के विभिन्न परिषदीय स्कूलों में मिला प्रवेश*



नितेश श्रीवास्तव

भदोही। परिषदीय विद्यालयों में बच्चों के नामांकन में जिले को सूबे में भले ही चौथी रैंक मिल गई है, लेकिन कुछ विद्यालय विभाग के प्रयास और मेहनत का पलीता लगा रहे हैं।
नए शिक्षा सत्र के 20 दिन में 45 विद्यालय में नामांकित बच्चों की संख्या दहाई तक नहीं पहुंच पाई है। ऐसे विद्यालयों को चिह्नित करके विभाग नोटिस भेजने की तैयारी में जुटा है। जिले में 885 प्राथमिक, पूर्व माध्यमिक और कंपोजिट विद्यालय संचालित हैं।एक अप्रैल से नया शिक्षा सत्र शुरू होने के बाद पहली और छठवीं कक्षा में नए बच्चों को प्रवेश दिलाया जा रहा है। अब तक करीब 16 हजार अधिक बच्चों को प्रवेश दिलाया जा चुका है। पांच दिन पहले प्रदेश स्तर पर जारी रैकिंग में जिले को चौथा स्थान मिला था। नामांकन प्रक्रिया में ज्यादातर विद्यालय बेहतर काम कर रहे हैं।
45 से 50 विद्यालयों की प्रगति ठीक नहीं है। 20 दिन में 20 बच्चों का नामांकन नहीं करा सके। कम नामांकन होने पर विभाग को डर है कि भविष्य में रैंक कम न हो जाए। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शिवम पांडेय ने बताया कि नामांकन की प्रतिदिन रिपोर्ट ली जा रही है।
बीईओ को निर्देश दिए कि शिक्षकों की टीम गांव-गांव पहुंचकर अभिभावकों को प्रेरित करे। मुसहर बस्ती, ईंट-भट्ठे पर भी जाकर बच्चों को प्रवेश दिलाया जाए।
उन्होंने बताया कि 45 के करीब विद्यालयों में नामांकन लेने वाले बच्चों की संख्या कम है। उसको सुधार के लिए दो दिन का समय दिया गया है। संख्या वृद्धि नहीं होने पर नोटिस जारी किया जाएगा। वेतन रोकने की कार्रवाई होगी।
कुछ सीमाएं कभी नहीं लांघी जानी चाहिए...',पहलगाम हमले की बरसी से एक दिन पहले भारतीय सेना का कड़ा संदेश

#indianarmystrongmessageaheadofpahalgamattackanniversary

22 अप्रैल 2025 को बैसरन घाटी में हुए आतंकी हमले के बाद पहलगाम अब धीरे-धीरे अपने पुराने रंग में लौटता दिख रहा है। इस हमले में 26 निर्दोष लोगों की जान चली गई थी। इस घटना के बाद, भारत ने 'ऑपरेशन सिंदूर' शुरू किया, जिसके तहत पाकिस्तान में मौजूद लश्कर और जैश के आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया। अब एक साल बाद भारत उन जानों के नुकसान को एक बार फिर याद कर रहा है और शोक मना रहा है। इस बीच भारतीय सेना ने कड़ा संदेश दिया है।

एकजुट भारत का संदेश

ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ से पहले, भारतीय सेना ने मंगलवार को आतंकवाद के खिलाफ भारत के अडिग रुख को दोहराते हुए एक संदेश जारी किया। सोशल मीडिया साइट्स पर जारी किए गए पोस्ट में भारतीय सेना के संदेश में कहा गया है, 'जब मानवता की सीमाएं लांघी जाती हैं, तो जवाब निर्णायक होता है। न्याय मिलता है। भारत एकजुट है।'

भारतीय सेना की आतंकियों को चेतावनी

भारतीय सेना ने आतंकियों को चेतावनी देते हुए कहा, 'कुछ सीमाएं ऐसी होती हैं, जिन्हें कभी पार नहीं करना चाहिए।' सेना ने अपनी इस पोस्ट में ऑपरेशन सिंदूर का भी जिक्र किया है।

कश्मीर में पर्यटन स्थलों पर सुरक्षा बढ़ाई गई

इस बीच, पहलगाम आतंकी हमले की पहली बरसी से पहले पूरे कश्मीर में पर्यटन स्थलों पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। हमले की बरसी को देखते हुए, सभी सुरक्षा एजेंसियों को संभावित गतिविधियों, विशेष रूप से पर्यटन क्षेत्रों के आसपास सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। एक प्रभावी व बड़ी सुरक्षा योजना सुनिश्चित करने के लिए जमीनी स्तर पर बैठकें आयोजित की गई हैं, और वरिष्ठ अधिकारी इन व्यवस्थाओं की समीक्षा कर रहे हैं।

पहलगाम आतंकी हमला और “ऑपरेशन सिंदूर”

22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में आतंकियों ने छुट्टियां मना रहे 26 निर्दोष (25 भारतीय नागरिक और एक नेपाली नागरिक) लोगों पर निर्मम हत्या की थी। इस आतंकी हमले के 15 दिन बाद भारतीय सेना ने सात मई को 'ऑपरेशन सिंदूर' के तहत पाकिस्तान और पीओके में नौ आतंकी ठिकानों को तबाह किया था। जिसमें कई कुख्यात आतंकी भी मारे गए थे। इसके बाद दोनों देशों के बीच हालात बिगड़े और दो दशक बाद चरम पर पहुंच गए। वहीं पाकिस्तान की तरफ से भारत के शहरों को निशाना बनाए जाने के बाद, भारत की वायु रक्षा प्रणाली ने सभी हमलों को नाकाम करते हुए उसका माकूल जवाब दिया। इसके बाद भारत की मुंहतोड़ जवाबी कार्रवाई में पाकिस्तान के 14 सैन्य ठिकाने ध्वस्त किए गए। इससे घबराए पाकिस्तान ने 10 मई को भारत के सामने सीजफायर का प्रस्ताव रखा, जिसे दोनों देशों ने आपसी चर्चा के बाद लागू किया गया।

परिवहन विभाग द्वारा जनपद के समस्त विद्यालय प्रबंधकों एवं वाहन स्वामियों को महत्वपूर्ण निर्देश किया गया जारी


*शासन द्वारा विद्यालयी वाहनों की सुरक्षा, पारदर्शिता एवं निगरानी सुनिश्चित करने हेतु यह व्यवस्था की गई लागू*

*गोण्डा 20 अप्रैल,2026*।
एआरटीओ (प्रशासन) गोण्डा श्री आर.सी. भारतीय द्वारा जनपद के समस्त विद्यालय प्रबंधकों एवं वाहन स्वामियों को एक महत्वपूर्ण निर्देश जारी किया गया है। उन्होंने अवगत कराया है कि जिन विद्यालयों एवं उनमें संचालित वाहनों को अभी तक upisvmp.com पोर्टल पर ऑनबोर्ड नहीं किया गया है, उनके विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जा रही है। ऐसे विद्यालयों के वाहनों को चिन्हित कर सीज (जब्त) किया जा रहा है।

उन्होंने बताया कि शासन द्वारा विद्यालयी वाहनों की सुरक्षा, पारदर्शिता एवं निगरानी सुनिश्चित करने हेतु यह व्यवस्था लागू की गई है। इसके अंतर्गत प्रत्येक विद्यालय को अपने संस्थान तथा उसमें संचालित समस्त वाहनों का पंजीकरण पोर्टल पर अनिवार्य रूप से करना होगा। साथ ही, प्रत्येक वाहन चालक का पुलिस सत्यापित चरित्र प्रमाण पत्र एवं शपथ पत्र भी अपलोड किया जाना आवश्यक है।
एआरटीओ (प्रशासन) ने स्पष्ट किया कि यह व्यवस्था बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लागू की गई है, ताकि विद्यालय आने-जाने वाले विद्यार्थियों के परिवहन में किसी भी प्रकार की अनियमितता या जोखिम को रोका जा सके। बिना सत्यापन के संचालित वाहनों से दुर्घटना या अन्य अप्रिय घटनाओं की आशंका बनी रहती है, जिसे समाप्त करने के उद्देश्य से यह कदम उठाया गया है।
उन्होंने सभी विद्यालय प्रबंधकों, प्रधानाचार्यों एवं वाहन स्वामियों से अपील की है कि वे इस कार्य को अत्यंत प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण करें। यदि किसी कारणवश अभी तक ऑनबोर्डिंग की प्रक्रिया पूरी नहीं की गई है, तो उसे तत्काल प्रभाव से पूर्ण कराया जाए, अन्यथा संबंधित वाहनों के विरुद्ध दंडात्मक कार्रवाई जारी रहेगी।

अंत में उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य दंड देना नहीं, बल्कि विद्यालयी परिवहन व्यवस्था को सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित बनाना है। अतः सभी संबंधित पक्ष सहयोग करें और निर्धारित दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए अपने विद्यालय एवं वाहनों को शीघ्रातिशीघ्र पोर्टल पर ऑनबोर्ड करना सुनिश्चित करें।
आजमगढ़:-भव्य आयोजन में मनी भगवान परशुराम जयंती, ब्राह्मण समाज ने किया व्यक्तित्व-कृतित्व का गुणगान

वी कुमार यदुवंशी
आजमगढ़। फूलपुर तहसील क्षेत्र के अम्बारी पाण्डेय का पूरा में सोमवार को भगवान परशुराम की जयंती बड़े ही हर्षोल्लास और श्रद्धा के साथ मनाई गई। यह आयोजन एक शादी समारोह के दौरान ब्राह्मण समाज कल्याण परिषद, तहसील फूलपुर इकाई के तत्वावधान में संपन्न हुआ, जिसमें समाज के गणमान्य लोगों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित वक्ताओं ने भगवान परशुराम के जीवन, उनके आदर्शों और उनके द्वारा स्थापित सामाजिक मूल्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि भगवान परशुराम केवल एक महान योद्धा ही नहीं, बल्कि धर्म, न्याय और सत्य के प्रतीक भी थे। उनके जीवन से समाज को अन्याय के खिलाफ खड़े होने और सदैव धर्म के मार्ग पर चलने की प्रेरणा मिलती है। इस अवसर पर पंडित देव नाथ पाण्डेय, केश भान पाण्डेय, सौरभ पाण्डेय, लोकेश पाण्डेय, पद्मेश पाण्डेय, त्रयम्बकेश्वर पाण्डेय, अंकित मिश्रा और मनीष तिवारी सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में भगवान परशुराम के आदर्शों को अपनाने का संकल्प लिया और समाज में एकता एवं नैतिकता को बढ़ावा देने पर जोर दिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सिद्धेश्वर पाण्डेय ने की, जबकि संचालन पंडित देबनाथ पाण्डेय द्वारा किया गया। आयोजन के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया और एक-दूसरे को जयंती की शुभकामनाएं दीं।
नगर पंचायत मे टंकी से गंदा पानी सप्लाई, लोगों में रोष
(परविंदर कुमार) 

बहसूमा (मेरठ)। कस्बा बहसूमा में नगर पंचायत मे पानी की टंकी से गंदा और दूषित पानी आने की शिकायत सामने आई है, जिससे स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी है। वार्ड निवासी एवं दुकानदार मनोज कुमार (मनोज पकौड़ी वाले) ने बताया कि पिछले तीन-चार दिनों से टंकी से आने वाले पानी में काली गंदगी, गाद और बदबू आ रही है।

उन्होंने बताया कि पानी इतना खराब है कि उसे पीना तो दूर, घरेलू उपयोग में लेना भी मुश्किल हो रहा है। पानी में काले-काले कण और गाद लगातार निकल रही है, जिससे लोगों को बीमारियों का खतरा सताने लगा है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि इसी प्रकार दूषित पानी की सप्लाई जारी रही तो कस्बावासी गंभीर बीमारियों की चपेट में आ सकते हैं। लोगों ने नगर पंचायत अध्यक्ष और अधिशासी अधिकारी से तत्काल समस्या का समाधान कर साफ पानी की व्यवस्था कराने की मांग की है।

कस्बावासियों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द समस्या का समाधान नहीं हुआ तो नगर पंचायत कार्यालय पर प्रदर्शन किया जाएगा। वहीं चेयरमैन से बात करने पर उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही समस्या का समाधान कराया जाएगा।
Sambhal बुलडोजर एक्शन पर सियासी संग्राम: “मुसलमानों को टारगेट कर रही सरकार” - AIMIM जिलाध्यक्ष का बड़ा हमला
सम्भल जिले के मुबारकपुर बंद और बिछौली में ईदगाह, मदरसा और मस्जिदों पर चले बुलडोजर को लेकर सियासत गरमा गई है। AIMIM जिलाध्यक्ष असद अब्दुल्ला ने इस कार्रवाई को लेकर भारतीय जनता पार्टी सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं।

असद अब्दुल्ला ने कहा कि उत्तर प्रदेश सहित देश के जिन राज्यों में बीजेपी या उसके सहयोगी दलों की सरकार है, वहां मुसलमानों को निशाना बनाकर कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने बुलडोजर कार्रवाई को संविधान के खिलाफ बताते हुए कहा कि बिना पर्याप्त नोटिस और अदालत के फैसले का इंतजार किए धार्मिक स्थलों को गिराना एक सोची-समझी साजिश है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या केवल मस्जिद, मदरसे और इबादतगाह ही ग्राम समाज की जमीन पर हैं? अन्य धर्मों के स्थलों पर ऐसी कार्रवाई क्यों नहीं होती? उनके मुताबिक, सरकार हिंदू-मुस्लिम के बीच विभाजन पैदा कर सियासत कर रही है। वहीं प्रशासन का दावा है कि सभी निर्माण कानूनी प्रक्रिया के तहत अवैध पाए जाने पर ही हटाए गए हैं। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए AIMIM नेता ने कहा कि सरकार असली मुद्दों से ध्यान भटका रही है। उन्होंने बेरोजगारी, किसानों की बदहाल स्थिति और हाल ही में आई आपदाओं को लेकर सरकार को घेरा। असद अब्दुल्ला ने दावा किया कि 2027 के चुनाव में जनता नफरत की राजनीति का जवाब देगी और एक सेक्युलर सरकार बनेगी। उन्होंने यह भी ऐलान किया कि AIMIM सम्भल जिले की असमोली और सम्भल सीटों पर मजबूती से चुनाव लड़ेगी और “हिस्सेदारी की लड़ाई” जारी रखेगी। कुल मिलाकर, बुलडोजर कार्रवाई अब सिर्फ प्रशासनिक नहीं, बल्कि बड़ा सियासी मुद्दा बन चुकी है, जिस पर आने वाले चुनावों में जोरदार घमासान तय माना जा रहा है।
यूपी पुलिस में मेगा फेरबदल: 44 ASP के तबादले, प्रमोटेड अफसरों को नई जिम्मेदारी


लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार ने कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से रविवार देर रात पुलिस महकमे में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 44 अपर पुलिस अधीक्षक (ASP) स्तर के अधिकारियों के तबादले कर दिए। इस सूची में बड़ी संख्या उन अधिकारियों की है, जिन्हें हाल ही में पुलिस उपाधीक्षक (DSP) से प्रमोट कर ASP बनाया गया था और अब उन्हें नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

इस व्यापक बदलाव के तहत कई जिलों, कमिश्नरेट और विशेष इकाइयों में नई तैनातियां की गई हैं, जिससे पूरे पुलिस तंत्र में हलचल देखी जा रही है।तबादलों में मनोज कुमार गुप्ता को हमीरपुर से पीटीसी सीतापुर, अरविंद कुमार वर्मा को चित्रकूट से हमीरपुर और अखंड प्रताप सिंह को सुल्तानपुर से 33वीं वाहिनी पीएसी झांसी भेजा गया है।ब्रज नारायण सिंह को लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट से सुल्तानपुर, जबकि हरि राम यादव को देवरिया से प्रयागराज पुलिस कमिश्नरेट में तैनाती दी गई है। वहीं चिरंजीव मुखर्जी का स्थानांतरण निरस्त कर उन्हें यथावत रखा गया है।

इसके अलावा अलका को सीआईडी मेरठ से आगरा कमिश्नरेट, आलोक दुबे को 6वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी मेरठ, श्रेष्ठा को बागपत से एटीएस लखनऊ और मुकेश प्रताप सिंह को सीआईडी मुख्यालय से 43वीं वाहिनी पीएसी एटा भेजा गया है।हितेंद्र कृष्ण को वूमेन पावर लाइन 1090 से सीआईडी मुख्यालय, मुकेश चंद्र उत्तम को श्रावस्ती से विधि प्रकोष्ठ प्रयागराज और चंद्रकेश सिंह को पीटीसी सीतापुर से श्रावस्ती स्थानांतरित किया गया है।

अन्य तबादलों में मनोज कुमार यादव को मथुरा (यातायात) से 28वीं वाहिनी पीएसी इटावा, राजेश कुमार तिवारी को मुरादाबाद से मथुरा (यातायात) और अभय कुमार मिश्र को सतर्कता अधिष्ठान लखनऊ से गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट भेजा गया है।एसएन वैभव पांडेय को सहारनपुर से सतर्कता अधिष्ठान, उमेश कुमार यादव को सीआईडी बरेली से सीआईडी प्रयागराज और रफीक अहमद को 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी गोरखपुर भेजा गया है।

महिला अधिकारियों में सलोनी अग्रवाल को गाजियाबाद कमिश्नरेट से 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ, नवीना शुक्ला को एएनटीएफ (ऑपरेशन) लखनऊ, निष्ठा उपाध्याय को सीआईडी बरेली और मोनिका यादव को यूपीपीसीएल (मध्यांचल) लखनऊ में तैनाती दी गई है।वहीं स्वतंत्र कुमार सिंह को गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट में एडीसीपी बनाया गया है, जबकि संजय वर्मा को एसपी बलिया साउथ की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

इसके अलावा कई अधिकारियों को पीएसी, सीआईडी, एसटीएफ, ईओडब्ल्यू और अन्य महत्वपूर्ण इकाइयों में नई जिम्मेदारियां दी गई हैं। कुछ अधिकारियों को उनके वर्तमान पद पर यथावत भी रखा गया है, जिससे प्रशासनिक संतुलन बनाए रखने की कोशिश की गई है।सरकार के इस फैसले को कानून-व्यवस्था को और सुदृढ़ करने, फील्ड और विशेष इकाइयों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने और हाल ही में प्रमोट हुए अधिकारियों को सक्रिय जिम्मेदारी देने के तौर पर देखा जा रहा है।
यूपी पुलिस में मेगा फेरबदल: 44 ASP के तबादले, प्रमोटेड अफसरों को नई जिम्मेदारी


लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार ने कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से रविवार देर रात पुलिस महकमे में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 44 अपर पुलिस अधीक्षक (ASP) स्तर के अधिकारियों के तबादले कर दिए। इस सूची में बड़ी संख्या उन अधिकारियों की है, जिन्हें हाल ही में पुलिस उपाधीक्षक (DSP) से प्रमोट कर ASP बनाया गया था और अब उन्हें नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

इस व्यापक बदलाव के तहत कई जिलों, कमिश्नरेट और विशेष इकाइयों में नई तैनातियां की गई हैं, जिससे पूरे पुलिस तंत्र में हलचल देखी जा रही है।तबादलों में मनोज कुमार गुप्ता को हमीरपुर से पीटीसी सीतापुर, अरविंद कुमार वर्मा को चित्रकूट से हमीरपुर और अखंड प्रताप सिंह को सुल्तानपुर से 33वीं वाहिनी पीएसी झांसी भेजा गया है।ब्रज नारायण सिंह को लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट से सुल्तानपुर, जबकि हरि राम यादव को देवरिया से प्रयागराज पुलिस कमिश्नरेट में तैनाती दी गई है। वहीं चिरंजीव मुखर्जी का स्थानांतरण निरस्त कर उन्हें यथावत रखा गया है।

इसके अलावा अलका को सीआईडी मेरठ से आगरा कमिश्नरेट, आलोक दुबे को 6वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी मेरठ, श्रेष्ठा को बागपत से एटीएस लखनऊ और मुकेश प्रताप सिंह को सीआईडी मुख्यालय से 43वीं वाहिनी पीएसी एटा भेजा गया है।हितेंद्र कृष्ण को वूमेन पावर लाइन 1090 से सीआईडी मुख्यालय, मुकेश चंद्र उत्तम को श्रावस्ती से विधि प्रकोष्ठ प्रयागराज और चंद्रकेश सिंह को पीटीसी सीतापुर से श्रावस्ती स्थानांतरित किया गया है।

अन्य तबादलों में मनोज कुमार यादव को मथुरा (यातायात) से 28वीं वाहिनी पीएसी इटावा, राजेश कुमार तिवारी को मुरादाबाद से मथुरा (यातायात) और अभय कुमार मिश्र को सतर्कता अधिष्ठान लखनऊ से गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट भेजा गया है।एसएन वैभव पांडेय को सहारनपुर से सतर्कता अधिष्ठान, उमेश कुमार यादव को सीआईडी बरेली से सीआईडी प्रयागराज और रफीक अहमद को 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी गोरखपुर भेजा गया है।

महिला अधिकारियों में सलोनी अग्रवाल को गाजियाबाद कमिश्नरेट से 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ, नवीना शुक्ला को एएनटीएफ (ऑपरेशन) लखनऊ, निष्ठा उपाध्याय को सीआईडी बरेली और मोनिका यादव को यूपीपीसीएल (मध्यांचल) लखनऊ में तैनाती दी गई है।वहीं स्वतंत्र कुमार सिंह को गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट में एडीसीपी बनाया गया है, जबकि संजय वर्मा को एसपी बलिया साउथ की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

इसके अलावा कई अधिकारियों को पीएसी, सीआईडी, एसटीएफ, ईओडब्ल्यू और अन्य महत्वपूर्ण इकाइयों में नई जिम्मेदारियां दी गई हैं। कुछ अधिकारियों को उनके वर्तमान पद पर यथावत भी रखा गया है, जिससे प्रशासनिक संतुलन बनाए रखने की कोशिश की गई है।सरकार के इस फैसले को कानून-व्यवस्था को और सुदृढ़ करने, फील्ड और विशेष इकाइयों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने और हाल ही में प्रमोट हुए अधिकारियों को सक्रिय जिम्मेदारी देने के तौर पर देखा जा रहा है।
बिहार में “आग” उगल रहा आसमान, 43 डिग्री तक पहुंचा टेम्प्रेचर, 9 जिलों में हीट वेव का कहर

#biharweatherheatwavetemperatureat43degrees

भारत के कई राज्यों में इस समय भीषण गर्मी पड़ रही है। सूरज की तपिश ने अपना रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है। दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, बिहार और झारखंड समेत कई राज्य भीषण गर्मी और उमस की चपेट में हैं। बिहार में फिलहाल गर्मी से राहत के संकेत नहीं हैं।

मौसम की दोहरी मार पड़ने वाली

बिहार में मौसम की दोहरी मार पड़ने वाली है। 20 अप्रैल को जहां दोपहर में भीषण धूप और गर्म हवाएं हीटस्ट्रोक का खतरा बढ़ाएंगी, वहीं 23 अप्रैल के लिए विभाग ने 50-70 किमी/घंटा की रफ्तार वाली आंधी और बारिश का अलर्ट जारी किया है। विशेष रूप से सीमांचल के इलाकों में लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

43 डिग्री तक पहुंचा पारा

दक्षिण बिहार में जहां हीट वेव और भीषण गर्मी से लोग परेशान है तो उत्तर बिहार के पूर्वी इलाके में वर्ष भी दर्ज की जा रही है। दक्षिण बिहार के अधिकार सभी जिलों में भीषण गर्मी के लोग परेशान हैं और 43 डिग्री तक पारा पहुंच चुका है। जानकारी के अनुसार, रविवार को नौ जिलों में 40 डिग्री से ऊपर तापमान दर्ज किए गए। हालांकि उत्तर बिहार के 6 जिलों में हल्की से लेकर मध्य मास्टर की वर्षा भी दर्ज की गई।

डिहरी सबसे गर्म

बिहार की राजधानी पटना में उमस भरी गर्मी ने लोगों का हाल बेहाल कर रखा है। सोमवार को यहां अधिकतम तापमान 40 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री रहने का अनुमान है। आसमान में बादलों की आवाजाही के बावजूद उमस कम होने का नाम नहीं ले रही है। बीते रविवार को रोहतास जिले का डिहरी राज्य का सबसे गर्म इलाका रहा, जहां पारा 43 डिग्री दर्ज किया गया।

48 घंटे तक राहत की कोई उम्मीद नहीं

पटना मौसम केंद्र ने बिहार के तापमान की प्रवृत्ति को लेकर विशेष बुलेटिन जारी किया है। इसमें अगले 48 घंटे तक राहत की कोई उम्मीद नहीं दिख रही। अगले 3-4 दिनों तक राज्य के अधिकतम तापमान में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है। कैमूर, रोहतास, औरंगाबाद और गया जिलों में पारा सामान्य से अधिक रहेगा, जिससे लू जैसी स्थिति बनी रहेगी। उत्तर बिहार के पूर्वी चंपारण, शिवहर, सीतामढ़ी, मधुबनी और अररिया में गरज के साथ छींटे पड़ने की उम्मीद है। मौसम विभाग ने भीषण गर्मी को देखते हुए लोगों को दोपहर के समय अनावश्यक बाहर न निकले। हाइड्रेटेड रहने की सलाह दी गई है, दक्षिण बिहार के जिलों में विशेष सतर्कता बरतने को कहा गया है।

डॉ. विनोद त्रिपाठी व ताजेंद्र बहादुर सिंह बड़गड़ी के नेतृत्व में निकली परशुराम शोभायात्रा
लालापुर से मनकामेश्वर धाम तक गूंजे जय परशुराम के नारे



विश्वनाथ प्रताप सिंह
प्रयागराज, लालापुर यमुनानगर क्षेत्र के बारा तहसील अंतर्गत ग्राम सभा डेरा बारी स्थित हनुमान मंदिर से रविवार सुबह लगभग ग्यारह बजे भगवान परशुराम जन्मोत्सव के अवसर पर भव्य शोभायात्रा निकाली गई। यह यात्रा लालापुर चौराहा होते हुए भटपुरा स्थित भगवान भोलेनाथ के प्रसिद्ध मनकामेश्वर धाम में जाकर संपन्न हुई। पूरे क्षेत्र में श्रद्धा, उत्साह और धार्मिक उल्लास का अद्भुत माहौल देखने को मिला।हिंदू धर्म में भगवान विष्णु के छठे अवतार के रूप में पूज्य भगवान परशुराम का जन्मोत्सव वैशाख मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को मनाया जाता है, जिसे अक्षय तृतीया के नाम से भी जाना जाता है। इसी पावन अवसर पर आयोजित इस शोभायात्रा ने क्षेत्र में धार्मिक ऊर्जा का संचार कर दिया। डेरा बारी से प्रारंभ होकर मनकामेश्वर धाम स्थित परशुराम मंदिर तक पहुंची इस यात्रा में सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। डॉ. विनोद त्रिपाठी (सावित्री नर्सिंग होम, शिवराजपुर) एवं वरिष्ठ समाजसेवी ताजेंद्र बहादुर सिंह बड़गड़ी की गरिमामयी उपस्थिति एवं अगुवाई ने कार्यक्रम को विशेष बना दिया। “जय परशुराम” के गगनभेदी नारों से पूरा इलाका गूंज उठा। डीजे, फोर व्हीलर और बाइक के साथ निकली यह यात्रा इतनी भव्य थी कि मानो स्वयं भगवान परशुराम धरती पर अवतरित हो गए हों। यात्रा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही। सहायक पुलिस आयुक्त बारा वेद व्यास मिश्रा के नेतृत्व में थाना प्रभारी लालापुर अनुभव सिंह, सब इंस्पेक्टर कौशलेंद्र, श्याम सुंदर, रामाश्रय यादव, रेखा, हेड कांस्टेबल राधा मोहन सहित पूरी पुलिस टीम मुस्तैद रही। प्रशासन की सतर्कता के चलते पूरे कार्यक्रम में कहीं भी कोई अप्रिय घटना नहीं हुई और शोभायात्रा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराई गई। इस आयोजन में डॉ. विनोद त्रिपाठी ,ताजेंद्र बहादुर सिंह बड़गड़ी, ग्राम प्रधान भटपुरा शंकरलाल पांडे, समाजसेवी अनोद त्रिपाठी, विवेक शुक्ला (लाला) आशीष मिश्रा, विधायक प्रतिनिधि विजय निषाद उर्फ श्यामू निषाद अनोद त्रिपाठी, सतीश त्रिपाठी, नारायण सिंह,ओपी सिंह, हरी ओम द्विवेदी रवी सिंह सहित क्षेत्र के कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। साथ ही बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों ने भी भागीदारी निभाई। कार्यक्रम की सफल और शांतिपूर्ण व्यवस्था को लेकर क्षेत्रवासियों ने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली की खुलकर सराहना की। यह शोभायात्रा न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक बनी, बल्कि सामाजिक एकता और प्रशासनिक कुशलता का भी सशक्त उदाहरण प्रस्तुत कर गई।
*प्रदेश में मिली चौथी रैंक, फिर भी 45 स्कूलों में 10 से कम नामांकन*

*शिक्षा सत्र 2026-2027 के 20 दिनों में 16 हजार से ज्यादा बच्चों को जनपद के विभिन्न परिषदीय स्कूलों में मिला प्रवेश*



नितेश श्रीवास्तव

भदोही। परिषदीय विद्यालयों में बच्चों के नामांकन में जिले को सूबे में भले ही चौथी रैंक मिल गई है, लेकिन कुछ विद्यालय विभाग के प्रयास और मेहनत का पलीता लगा रहे हैं।
नए शिक्षा सत्र के 20 दिन में 45 विद्यालय में नामांकित बच्चों की संख्या दहाई तक नहीं पहुंच पाई है। ऐसे विद्यालयों को चिह्नित करके विभाग नोटिस भेजने की तैयारी में जुटा है। जिले में 885 प्राथमिक, पूर्व माध्यमिक और कंपोजिट विद्यालय संचालित हैं।एक अप्रैल से नया शिक्षा सत्र शुरू होने के बाद पहली और छठवीं कक्षा में नए बच्चों को प्रवेश दिलाया जा रहा है। अब तक करीब 16 हजार अधिक बच्चों को प्रवेश दिलाया जा चुका है। पांच दिन पहले प्रदेश स्तर पर जारी रैकिंग में जिले को चौथा स्थान मिला था। नामांकन प्रक्रिया में ज्यादातर विद्यालय बेहतर काम कर रहे हैं।
45 से 50 विद्यालयों की प्रगति ठीक नहीं है। 20 दिन में 20 बच्चों का नामांकन नहीं करा सके। कम नामांकन होने पर विभाग को डर है कि भविष्य में रैंक कम न हो जाए। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शिवम पांडेय ने बताया कि नामांकन की प्रतिदिन रिपोर्ट ली जा रही है।
बीईओ को निर्देश दिए कि शिक्षकों की टीम गांव-गांव पहुंचकर अभिभावकों को प्रेरित करे। मुसहर बस्ती, ईंट-भट्ठे पर भी जाकर बच्चों को प्रवेश दिलाया जाए।
उन्होंने बताया कि 45 के करीब विद्यालयों में नामांकन लेने वाले बच्चों की संख्या कम है। उसको सुधार के लिए दो दिन का समय दिया गया है। संख्या वृद्धि नहीं होने पर नोटिस जारी किया जाएगा। वेतन रोकने की कार्रवाई होगी।
कुछ सीमाएं कभी नहीं लांघी जानी चाहिए...',पहलगाम हमले की बरसी से एक दिन पहले भारतीय सेना का कड़ा संदेश

#indianarmystrongmessageaheadofpahalgamattackanniversary

22 अप्रैल 2025 को बैसरन घाटी में हुए आतंकी हमले के बाद पहलगाम अब धीरे-धीरे अपने पुराने रंग में लौटता दिख रहा है। इस हमले में 26 निर्दोष लोगों की जान चली गई थी। इस घटना के बाद, भारत ने 'ऑपरेशन सिंदूर' शुरू किया, जिसके तहत पाकिस्तान में मौजूद लश्कर और जैश के आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया। अब एक साल बाद भारत उन जानों के नुकसान को एक बार फिर याद कर रहा है और शोक मना रहा है। इस बीच भारतीय सेना ने कड़ा संदेश दिया है।

एकजुट भारत का संदेश

ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ से पहले, भारतीय सेना ने मंगलवार को आतंकवाद के खिलाफ भारत के अडिग रुख को दोहराते हुए एक संदेश जारी किया। सोशल मीडिया साइट्स पर जारी किए गए पोस्ट में भारतीय सेना के संदेश में कहा गया है, 'जब मानवता की सीमाएं लांघी जाती हैं, तो जवाब निर्णायक होता है। न्याय मिलता है। भारत एकजुट है।'

भारतीय सेना की आतंकियों को चेतावनी

भारतीय सेना ने आतंकियों को चेतावनी देते हुए कहा, 'कुछ सीमाएं ऐसी होती हैं, जिन्हें कभी पार नहीं करना चाहिए।' सेना ने अपनी इस पोस्ट में ऑपरेशन सिंदूर का भी जिक्र किया है।

कश्मीर में पर्यटन स्थलों पर सुरक्षा बढ़ाई गई

इस बीच, पहलगाम आतंकी हमले की पहली बरसी से पहले पूरे कश्मीर में पर्यटन स्थलों पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। हमले की बरसी को देखते हुए, सभी सुरक्षा एजेंसियों को संभावित गतिविधियों, विशेष रूप से पर्यटन क्षेत्रों के आसपास सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। एक प्रभावी व बड़ी सुरक्षा योजना सुनिश्चित करने के लिए जमीनी स्तर पर बैठकें आयोजित की गई हैं, और वरिष्ठ अधिकारी इन व्यवस्थाओं की समीक्षा कर रहे हैं।

पहलगाम आतंकी हमला और “ऑपरेशन सिंदूर”

22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में आतंकियों ने छुट्टियां मना रहे 26 निर्दोष (25 भारतीय नागरिक और एक नेपाली नागरिक) लोगों पर निर्मम हत्या की थी। इस आतंकी हमले के 15 दिन बाद भारतीय सेना ने सात मई को 'ऑपरेशन सिंदूर' के तहत पाकिस्तान और पीओके में नौ आतंकी ठिकानों को तबाह किया था। जिसमें कई कुख्यात आतंकी भी मारे गए थे। इसके बाद दोनों देशों के बीच हालात बिगड़े और दो दशक बाद चरम पर पहुंच गए। वहीं पाकिस्तान की तरफ से भारत के शहरों को निशाना बनाए जाने के बाद, भारत की वायु रक्षा प्रणाली ने सभी हमलों को नाकाम करते हुए उसका माकूल जवाब दिया। इसके बाद भारत की मुंहतोड़ जवाबी कार्रवाई में पाकिस्तान के 14 सैन्य ठिकाने ध्वस्त किए गए। इससे घबराए पाकिस्तान ने 10 मई को भारत के सामने सीजफायर का प्रस्ताव रखा, जिसे दोनों देशों ने आपसी चर्चा के बाद लागू किया गया।

परिवहन विभाग द्वारा जनपद के समस्त विद्यालय प्रबंधकों एवं वाहन स्वामियों को महत्वपूर्ण निर्देश किया गया जारी


*शासन द्वारा विद्यालयी वाहनों की सुरक्षा, पारदर्शिता एवं निगरानी सुनिश्चित करने हेतु यह व्यवस्था की गई लागू*

*गोण्डा 20 अप्रैल,2026*।
एआरटीओ (प्रशासन) गोण्डा श्री आर.सी. भारतीय द्वारा जनपद के समस्त विद्यालय प्रबंधकों एवं वाहन स्वामियों को एक महत्वपूर्ण निर्देश जारी किया गया है। उन्होंने अवगत कराया है कि जिन विद्यालयों एवं उनमें संचालित वाहनों को अभी तक upisvmp.com पोर्टल पर ऑनबोर्ड नहीं किया गया है, उनके विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जा रही है। ऐसे विद्यालयों के वाहनों को चिन्हित कर सीज (जब्त) किया जा रहा है।

उन्होंने बताया कि शासन द्वारा विद्यालयी वाहनों की सुरक्षा, पारदर्शिता एवं निगरानी सुनिश्चित करने हेतु यह व्यवस्था लागू की गई है। इसके अंतर्गत प्रत्येक विद्यालय को अपने संस्थान तथा उसमें संचालित समस्त वाहनों का पंजीकरण पोर्टल पर अनिवार्य रूप से करना होगा। साथ ही, प्रत्येक वाहन चालक का पुलिस सत्यापित चरित्र प्रमाण पत्र एवं शपथ पत्र भी अपलोड किया जाना आवश्यक है।
एआरटीओ (प्रशासन) ने स्पष्ट किया कि यह व्यवस्था बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लागू की गई है, ताकि विद्यालय आने-जाने वाले विद्यार्थियों के परिवहन में किसी भी प्रकार की अनियमितता या जोखिम को रोका जा सके। बिना सत्यापन के संचालित वाहनों से दुर्घटना या अन्य अप्रिय घटनाओं की आशंका बनी रहती है, जिसे समाप्त करने के उद्देश्य से यह कदम उठाया गया है।
उन्होंने सभी विद्यालय प्रबंधकों, प्रधानाचार्यों एवं वाहन स्वामियों से अपील की है कि वे इस कार्य को अत्यंत प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण करें। यदि किसी कारणवश अभी तक ऑनबोर्डिंग की प्रक्रिया पूरी नहीं की गई है, तो उसे तत्काल प्रभाव से पूर्ण कराया जाए, अन्यथा संबंधित वाहनों के विरुद्ध दंडात्मक कार्रवाई जारी रहेगी।

अंत में उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य दंड देना नहीं, बल्कि विद्यालयी परिवहन व्यवस्था को सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित बनाना है। अतः सभी संबंधित पक्ष सहयोग करें और निर्धारित दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए अपने विद्यालय एवं वाहनों को शीघ्रातिशीघ्र पोर्टल पर ऑनबोर्ड करना सुनिश्चित करें।
आजमगढ़:-भव्य आयोजन में मनी भगवान परशुराम जयंती, ब्राह्मण समाज ने किया व्यक्तित्व-कृतित्व का गुणगान

वी कुमार यदुवंशी
आजमगढ़। फूलपुर तहसील क्षेत्र के अम्बारी पाण्डेय का पूरा में सोमवार को भगवान परशुराम की जयंती बड़े ही हर्षोल्लास और श्रद्धा के साथ मनाई गई। यह आयोजन एक शादी समारोह के दौरान ब्राह्मण समाज कल्याण परिषद, तहसील फूलपुर इकाई के तत्वावधान में संपन्न हुआ, जिसमें समाज के गणमान्य लोगों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित वक्ताओं ने भगवान परशुराम के जीवन, उनके आदर्शों और उनके द्वारा स्थापित सामाजिक मूल्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि भगवान परशुराम केवल एक महान योद्धा ही नहीं, बल्कि धर्म, न्याय और सत्य के प्रतीक भी थे। उनके जीवन से समाज को अन्याय के खिलाफ खड़े होने और सदैव धर्म के मार्ग पर चलने की प्रेरणा मिलती है। इस अवसर पर पंडित देव नाथ पाण्डेय, केश भान पाण्डेय, सौरभ पाण्डेय, लोकेश पाण्डेय, पद्मेश पाण्डेय, त्रयम्बकेश्वर पाण्डेय, अंकित मिश्रा और मनीष तिवारी सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में भगवान परशुराम के आदर्शों को अपनाने का संकल्प लिया और समाज में एकता एवं नैतिकता को बढ़ावा देने पर जोर दिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सिद्धेश्वर पाण्डेय ने की, जबकि संचालन पंडित देबनाथ पाण्डेय द्वारा किया गया। आयोजन के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया और एक-दूसरे को जयंती की शुभकामनाएं दीं।
नगर पंचायत मे टंकी से गंदा पानी सप्लाई, लोगों में रोष
(परविंदर कुमार) 

बहसूमा (मेरठ)। कस्बा बहसूमा में नगर पंचायत मे पानी की टंकी से गंदा और दूषित पानी आने की शिकायत सामने आई है, जिससे स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी है। वार्ड निवासी एवं दुकानदार मनोज कुमार (मनोज पकौड़ी वाले) ने बताया कि पिछले तीन-चार दिनों से टंकी से आने वाले पानी में काली गंदगी, गाद और बदबू आ रही है।

उन्होंने बताया कि पानी इतना खराब है कि उसे पीना तो दूर, घरेलू उपयोग में लेना भी मुश्किल हो रहा है। पानी में काले-काले कण और गाद लगातार निकल रही है, जिससे लोगों को बीमारियों का खतरा सताने लगा है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि इसी प्रकार दूषित पानी की सप्लाई जारी रही तो कस्बावासी गंभीर बीमारियों की चपेट में आ सकते हैं। लोगों ने नगर पंचायत अध्यक्ष और अधिशासी अधिकारी से तत्काल समस्या का समाधान कर साफ पानी की व्यवस्था कराने की मांग की है।

कस्बावासियों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द समस्या का समाधान नहीं हुआ तो नगर पंचायत कार्यालय पर प्रदर्शन किया जाएगा। वहीं चेयरमैन से बात करने पर उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही समस्या का समाधान कराया जाएगा।
Sambhal बुलडोजर एक्शन पर सियासी संग्राम: “मुसलमानों को टारगेट कर रही सरकार” - AIMIM जिलाध्यक्ष का बड़ा हमला
सम्भल जिले के मुबारकपुर बंद और बिछौली में ईदगाह, मदरसा और मस्जिदों पर चले बुलडोजर को लेकर सियासत गरमा गई है। AIMIM जिलाध्यक्ष असद अब्दुल्ला ने इस कार्रवाई को लेकर भारतीय जनता पार्टी सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं।

असद अब्दुल्ला ने कहा कि उत्तर प्रदेश सहित देश के जिन राज्यों में बीजेपी या उसके सहयोगी दलों की सरकार है, वहां मुसलमानों को निशाना बनाकर कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने बुलडोजर कार्रवाई को संविधान के खिलाफ बताते हुए कहा कि बिना पर्याप्त नोटिस और अदालत के फैसले का इंतजार किए धार्मिक स्थलों को गिराना एक सोची-समझी साजिश है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या केवल मस्जिद, मदरसे और इबादतगाह ही ग्राम समाज की जमीन पर हैं? अन्य धर्मों के स्थलों पर ऐसी कार्रवाई क्यों नहीं होती? उनके मुताबिक, सरकार हिंदू-मुस्लिम के बीच विभाजन पैदा कर सियासत कर रही है। वहीं प्रशासन का दावा है कि सभी निर्माण कानूनी प्रक्रिया के तहत अवैध पाए जाने पर ही हटाए गए हैं। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए AIMIM नेता ने कहा कि सरकार असली मुद्दों से ध्यान भटका रही है। उन्होंने बेरोजगारी, किसानों की बदहाल स्थिति और हाल ही में आई आपदाओं को लेकर सरकार को घेरा। असद अब्दुल्ला ने दावा किया कि 2027 के चुनाव में जनता नफरत की राजनीति का जवाब देगी और एक सेक्युलर सरकार बनेगी। उन्होंने यह भी ऐलान किया कि AIMIM सम्भल जिले की असमोली और सम्भल सीटों पर मजबूती से चुनाव लड़ेगी और “हिस्सेदारी की लड़ाई” जारी रखेगी। कुल मिलाकर, बुलडोजर कार्रवाई अब सिर्फ प्रशासनिक नहीं, बल्कि बड़ा सियासी मुद्दा बन चुकी है, जिस पर आने वाले चुनावों में जोरदार घमासान तय माना जा रहा है।
यूपी पुलिस में मेगा फेरबदल: 44 ASP के तबादले, प्रमोटेड अफसरों को नई जिम्मेदारी


लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार ने कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से रविवार देर रात पुलिस महकमे में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 44 अपर पुलिस अधीक्षक (ASP) स्तर के अधिकारियों के तबादले कर दिए। इस सूची में बड़ी संख्या उन अधिकारियों की है, जिन्हें हाल ही में पुलिस उपाधीक्षक (DSP) से प्रमोट कर ASP बनाया गया था और अब उन्हें नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

इस व्यापक बदलाव के तहत कई जिलों, कमिश्नरेट और विशेष इकाइयों में नई तैनातियां की गई हैं, जिससे पूरे पुलिस तंत्र में हलचल देखी जा रही है।तबादलों में मनोज कुमार गुप्ता को हमीरपुर से पीटीसी सीतापुर, अरविंद कुमार वर्मा को चित्रकूट से हमीरपुर और अखंड प्रताप सिंह को सुल्तानपुर से 33वीं वाहिनी पीएसी झांसी भेजा गया है।ब्रज नारायण सिंह को लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट से सुल्तानपुर, जबकि हरि राम यादव को देवरिया से प्रयागराज पुलिस कमिश्नरेट में तैनाती दी गई है। वहीं चिरंजीव मुखर्जी का स्थानांतरण निरस्त कर उन्हें यथावत रखा गया है।

इसके अलावा अलका को सीआईडी मेरठ से आगरा कमिश्नरेट, आलोक दुबे को 6वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी मेरठ, श्रेष्ठा को बागपत से एटीएस लखनऊ और मुकेश प्रताप सिंह को सीआईडी मुख्यालय से 43वीं वाहिनी पीएसी एटा भेजा गया है।हितेंद्र कृष्ण को वूमेन पावर लाइन 1090 से सीआईडी मुख्यालय, मुकेश चंद्र उत्तम को श्रावस्ती से विधि प्रकोष्ठ प्रयागराज और चंद्रकेश सिंह को पीटीसी सीतापुर से श्रावस्ती स्थानांतरित किया गया है।

अन्य तबादलों में मनोज कुमार यादव को मथुरा (यातायात) से 28वीं वाहिनी पीएसी इटावा, राजेश कुमार तिवारी को मुरादाबाद से मथुरा (यातायात) और अभय कुमार मिश्र को सतर्कता अधिष्ठान लखनऊ से गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट भेजा गया है।एसएन वैभव पांडेय को सहारनपुर से सतर्कता अधिष्ठान, उमेश कुमार यादव को सीआईडी बरेली से सीआईडी प्रयागराज और रफीक अहमद को 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी गोरखपुर भेजा गया है।

महिला अधिकारियों में सलोनी अग्रवाल को गाजियाबाद कमिश्नरेट से 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ, नवीना शुक्ला को एएनटीएफ (ऑपरेशन) लखनऊ, निष्ठा उपाध्याय को सीआईडी बरेली और मोनिका यादव को यूपीपीसीएल (मध्यांचल) लखनऊ में तैनाती दी गई है।वहीं स्वतंत्र कुमार सिंह को गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट में एडीसीपी बनाया गया है, जबकि संजय वर्मा को एसपी बलिया साउथ की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

इसके अलावा कई अधिकारियों को पीएसी, सीआईडी, एसटीएफ, ईओडब्ल्यू और अन्य महत्वपूर्ण इकाइयों में नई जिम्मेदारियां दी गई हैं। कुछ अधिकारियों को उनके वर्तमान पद पर यथावत भी रखा गया है, जिससे प्रशासनिक संतुलन बनाए रखने की कोशिश की गई है।सरकार के इस फैसले को कानून-व्यवस्था को और सुदृढ़ करने, फील्ड और विशेष इकाइयों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने और हाल ही में प्रमोट हुए अधिकारियों को सक्रिय जिम्मेदारी देने के तौर पर देखा जा रहा है।
यूपी पुलिस में मेगा फेरबदल: 44 ASP के तबादले, प्रमोटेड अफसरों को नई जिम्मेदारी


लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार ने कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से रविवार देर रात पुलिस महकमे में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 44 अपर पुलिस अधीक्षक (ASP) स्तर के अधिकारियों के तबादले कर दिए। इस सूची में बड़ी संख्या उन अधिकारियों की है, जिन्हें हाल ही में पुलिस उपाधीक्षक (DSP) से प्रमोट कर ASP बनाया गया था और अब उन्हें नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

इस व्यापक बदलाव के तहत कई जिलों, कमिश्नरेट और विशेष इकाइयों में नई तैनातियां की गई हैं, जिससे पूरे पुलिस तंत्र में हलचल देखी जा रही है।तबादलों में मनोज कुमार गुप्ता को हमीरपुर से पीटीसी सीतापुर, अरविंद कुमार वर्मा को चित्रकूट से हमीरपुर और अखंड प्रताप सिंह को सुल्तानपुर से 33वीं वाहिनी पीएसी झांसी भेजा गया है।ब्रज नारायण सिंह को लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट से सुल्तानपुर, जबकि हरि राम यादव को देवरिया से प्रयागराज पुलिस कमिश्नरेट में तैनाती दी गई है। वहीं चिरंजीव मुखर्जी का स्थानांतरण निरस्त कर उन्हें यथावत रखा गया है।

इसके अलावा अलका को सीआईडी मेरठ से आगरा कमिश्नरेट, आलोक दुबे को 6वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी मेरठ, श्रेष्ठा को बागपत से एटीएस लखनऊ और मुकेश प्रताप सिंह को सीआईडी मुख्यालय से 43वीं वाहिनी पीएसी एटा भेजा गया है।हितेंद्र कृष्ण को वूमेन पावर लाइन 1090 से सीआईडी मुख्यालय, मुकेश चंद्र उत्तम को श्रावस्ती से विधि प्रकोष्ठ प्रयागराज और चंद्रकेश सिंह को पीटीसी सीतापुर से श्रावस्ती स्थानांतरित किया गया है।

अन्य तबादलों में मनोज कुमार यादव को मथुरा (यातायात) से 28वीं वाहिनी पीएसी इटावा, राजेश कुमार तिवारी को मुरादाबाद से मथुरा (यातायात) और अभय कुमार मिश्र को सतर्कता अधिष्ठान लखनऊ से गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट भेजा गया है।एसएन वैभव पांडेय को सहारनपुर से सतर्कता अधिष्ठान, उमेश कुमार यादव को सीआईडी बरेली से सीआईडी प्रयागराज और रफीक अहमद को 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी गोरखपुर भेजा गया है।

महिला अधिकारियों में सलोनी अग्रवाल को गाजियाबाद कमिश्नरेट से 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ, नवीना शुक्ला को एएनटीएफ (ऑपरेशन) लखनऊ, निष्ठा उपाध्याय को सीआईडी बरेली और मोनिका यादव को यूपीपीसीएल (मध्यांचल) लखनऊ में तैनाती दी गई है।वहीं स्वतंत्र कुमार सिंह को गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट में एडीसीपी बनाया गया है, जबकि संजय वर्मा को एसपी बलिया साउथ की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

इसके अलावा कई अधिकारियों को पीएसी, सीआईडी, एसटीएफ, ईओडब्ल्यू और अन्य महत्वपूर्ण इकाइयों में नई जिम्मेदारियां दी गई हैं। कुछ अधिकारियों को उनके वर्तमान पद पर यथावत भी रखा गया है, जिससे प्रशासनिक संतुलन बनाए रखने की कोशिश की गई है।सरकार के इस फैसले को कानून-व्यवस्था को और सुदृढ़ करने, फील्ड और विशेष इकाइयों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने और हाल ही में प्रमोट हुए अधिकारियों को सक्रिय जिम्मेदारी देने के तौर पर देखा जा रहा है।
बिहार में “आग” उगल रहा आसमान, 43 डिग्री तक पहुंचा टेम्प्रेचर, 9 जिलों में हीट वेव का कहर

#biharweatherheatwavetemperatureat43degrees

भारत के कई राज्यों में इस समय भीषण गर्मी पड़ रही है। सूरज की तपिश ने अपना रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है। दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, बिहार और झारखंड समेत कई राज्य भीषण गर्मी और उमस की चपेट में हैं। बिहार में फिलहाल गर्मी से राहत के संकेत नहीं हैं।

मौसम की दोहरी मार पड़ने वाली

बिहार में मौसम की दोहरी मार पड़ने वाली है। 20 अप्रैल को जहां दोपहर में भीषण धूप और गर्म हवाएं हीटस्ट्रोक का खतरा बढ़ाएंगी, वहीं 23 अप्रैल के लिए विभाग ने 50-70 किमी/घंटा की रफ्तार वाली आंधी और बारिश का अलर्ट जारी किया है। विशेष रूप से सीमांचल के इलाकों में लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

43 डिग्री तक पहुंचा पारा

दक्षिण बिहार में जहां हीट वेव और भीषण गर्मी से लोग परेशान है तो उत्तर बिहार के पूर्वी इलाके में वर्ष भी दर्ज की जा रही है। दक्षिण बिहार के अधिकार सभी जिलों में भीषण गर्मी के लोग परेशान हैं और 43 डिग्री तक पारा पहुंच चुका है। जानकारी के अनुसार, रविवार को नौ जिलों में 40 डिग्री से ऊपर तापमान दर्ज किए गए। हालांकि उत्तर बिहार के 6 जिलों में हल्की से लेकर मध्य मास्टर की वर्षा भी दर्ज की गई।

डिहरी सबसे गर्म

बिहार की राजधानी पटना में उमस भरी गर्मी ने लोगों का हाल बेहाल कर रखा है। सोमवार को यहां अधिकतम तापमान 40 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री रहने का अनुमान है। आसमान में बादलों की आवाजाही के बावजूद उमस कम होने का नाम नहीं ले रही है। बीते रविवार को रोहतास जिले का डिहरी राज्य का सबसे गर्म इलाका रहा, जहां पारा 43 डिग्री दर्ज किया गया।

48 घंटे तक राहत की कोई उम्मीद नहीं

पटना मौसम केंद्र ने बिहार के तापमान की प्रवृत्ति को लेकर विशेष बुलेटिन जारी किया है। इसमें अगले 48 घंटे तक राहत की कोई उम्मीद नहीं दिख रही। अगले 3-4 दिनों तक राज्य के अधिकतम तापमान में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है। कैमूर, रोहतास, औरंगाबाद और गया जिलों में पारा सामान्य से अधिक रहेगा, जिससे लू जैसी स्थिति बनी रहेगी। उत्तर बिहार के पूर्वी चंपारण, शिवहर, सीतामढ़ी, मधुबनी और अररिया में गरज के साथ छींटे पड़ने की उम्मीद है। मौसम विभाग ने भीषण गर्मी को देखते हुए लोगों को दोपहर के समय अनावश्यक बाहर न निकले। हाइड्रेटेड रहने की सलाह दी गई है, दक्षिण बिहार के जिलों में विशेष सतर्कता बरतने को कहा गया है।

डॉ. विनोद त्रिपाठी व ताजेंद्र बहादुर सिंह बड़गड़ी के नेतृत्व में निकली परशुराम शोभायात्रा
लालापुर से मनकामेश्वर धाम तक गूंजे जय परशुराम के नारे



विश्वनाथ प्रताप सिंह
प्रयागराज, लालापुर यमुनानगर क्षेत्र के बारा तहसील अंतर्गत ग्राम सभा डेरा बारी स्थित हनुमान मंदिर से रविवार सुबह लगभग ग्यारह बजे भगवान परशुराम जन्मोत्सव के अवसर पर भव्य शोभायात्रा निकाली गई। यह यात्रा लालापुर चौराहा होते हुए भटपुरा स्थित भगवान भोलेनाथ के प्रसिद्ध मनकामेश्वर धाम में जाकर संपन्न हुई। पूरे क्षेत्र में श्रद्धा, उत्साह और धार्मिक उल्लास का अद्भुत माहौल देखने को मिला।हिंदू धर्म में भगवान विष्णु के छठे अवतार के रूप में पूज्य भगवान परशुराम का जन्मोत्सव वैशाख मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को मनाया जाता है, जिसे अक्षय तृतीया के नाम से भी जाना जाता है। इसी पावन अवसर पर आयोजित इस शोभायात्रा ने क्षेत्र में धार्मिक ऊर्जा का संचार कर दिया। डेरा बारी से प्रारंभ होकर मनकामेश्वर धाम स्थित परशुराम मंदिर तक पहुंची इस यात्रा में सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। डॉ. विनोद त्रिपाठी (सावित्री नर्सिंग होम, शिवराजपुर) एवं वरिष्ठ समाजसेवी ताजेंद्र बहादुर सिंह बड़गड़ी की गरिमामयी उपस्थिति एवं अगुवाई ने कार्यक्रम को विशेष बना दिया। “जय परशुराम” के गगनभेदी नारों से पूरा इलाका गूंज उठा। डीजे, फोर व्हीलर और बाइक के साथ निकली यह यात्रा इतनी भव्य थी कि मानो स्वयं भगवान परशुराम धरती पर अवतरित हो गए हों। यात्रा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही। सहायक पुलिस आयुक्त बारा वेद व्यास मिश्रा के नेतृत्व में थाना प्रभारी लालापुर अनुभव सिंह, सब इंस्पेक्टर कौशलेंद्र, श्याम सुंदर, रामाश्रय यादव, रेखा, हेड कांस्टेबल राधा मोहन सहित पूरी पुलिस टीम मुस्तैद रही। प्रशासन की सतर्कता के चलते पूरे कार्यक्रम में कहीं भी कोई अप्रिय घटना नहीं हुई और शोभायात्रा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराई गई। इस आयोजन में डॉ. विनोद त्रिपाठी ,ताजेंद्र बहादुर सिंह बड़गड़ी, ग्राम प्रधान भटपुरा शंकरलाल पांडे, समाजसेवी अनोद त्रिपाठी, विवेक शुक्ला (लाला) आशीष मिश्रा, विधायक प्रतिनिधि विजय निषाद उर्फ श्यामू निषाद अनोद त्रिपाठी, सतीश त्रिपाठी, नारायण सिंह,ओपी सिंह, हरी ओम द्विवेदी रवी सिंह सहित क्षेत्र के कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। साथ ही बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों ने भी भागीदारी निभाई। कार्यक्रम की सफल और शांतिपूर्ण व्यवस्था को लेकर क्षेत्रवासियों ने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली की खुलकर सराहना की। यह शोभायात्रा न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक बनी, बल्कि सामाजिक एकता और प्रशासनिक कुशलता का भी सशक्त उदाहरण प्रस्तुत कर गई।