लाखों ने किया गोमती में स्नान,गोमती मित्रों ने रखा सभी का ध्यान*
सुल्तानपुर,मौनी अमावस्या के स्नान पर्व पे सीताकुंड धाम पे भोर 4:00 बजे से शुरू हुआ श्रद्धालुओं का सैलाब लाखों की संख्या को पार कर गया,भीषण ठंड और घना कोहरा भी आस्था के सैलाब को बाधित न कर पाया,गोमती मित्रों ने भी धाम पहुंचने वाले श्रद्धालुओं के सहयोग के लिए कमर कसी हुई थी। प्रदेश अध्यक्ष मदन सिंह के नेतृत्व में स्वच्छता और सुरक्षा दोनों ही मुद्दों पर गोमती मित्र चूक न होने पावे इसके लिए लगे हुये थे,तट पर एकत्रित पूजन सामग्री को तत्काल हटाने के साथ ही नदी के अंदर से भी मूर्तियों को बाहर किया जा रहा था ताकि श्रद्धालुओं को चोट न लगे,बीच-बीच में गोमती मित्र श्रद्धालुओं को चाय का वितरण कर रहे थे। मीडिया प्रभारी रमेश महेश्वरी व प्रबंधक राजेंद्र शर्मा लगातार माइक से श्रद्धालुओं को व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने की अपील कर रहे थे,रुद्र प्रताप सिंह मदन, मीडिया प्रभारी रमेश महेश्वरी,प्रबंधक राजेंद्र शर्मा,डॉ कुंवर दिनकर प्रताप सिंह, राकेश सिंह दद्दू,राजेश पाठक,संत कुमार प्रधान, राकेश मिश्रा,अजय प्रताप सिंह,मुन्ना सोनी,बिपिन सोनी,राम क्विंचल मौर्या, आलोक तिवारी,रामू सोनी,प्रदीप कसौधन, श्याम मौर्या,अर्जुन यादव,आयुष सोनी, अभय मिश्रा आदि लगातार डटे रहे।
भाजपा नेत्री मनीषा पांडेय ने पार्टी कार्यकर्ताओं में भरा उत्साह*
भाजपा नेत्री के संयोजन में झारखंड शिव मंदिर में आयोजित हुआ समरसता खिचड़ी भोज*

आगामी विधानसभा चुनाव में जीत का जताया संकल्प* 

सुल्तानपुर,इसौली विधानसभा क्षेत्र के रवनिया स्थित झारखंड प्राचीन शिव मंदिर परिसर में भाजपा नेत्री मनीषा पांडेय के संयोजन में समरसता खिचड़ी भोज आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता शिव नगर के नवनिर्वाचित मंडल अध्यक्ष मनीष तिवारी ने की। इस दौरान भाजपा नेत्री मनीषा पांडेय ने पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि पार्टी जो भी विधानसभा प्रत्याशी घोषित करेगी,उसे भारी मतों से जीत दिलाने में सभी जुटें।उन्होंने इसौली विधानसभा के ठप पड़े विकास को गति देने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। इस दौरान कार्यक्रम में धर्मेंद्र तिवारी,राकेश मिश्रा,अनुज द्विवेदी, भोलानाथ तिवारी,बजरंग नारायण द्विवेदी, मंडल अध्यक्ष मनीष तिवारी और कई बूथ अध्यक्ष मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री से भाजपा विधायक नरेंद्र मेहता को मंत्री बनाने की मांग
भायंदर। भाजपा महाराष्ट्र प्रदेश प्रवक्ता शैलेश पांडे नें कहा कि महाराष्ट्र के लोकप्रिय मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस से मेरी विनती हैं कि जनता की माँग है कि मीरा भाईदर में भाजपा के ऐतिहासिक जीत के शिल्पकार आमदार नरेंद्र मेहता को शीघ्र  महाराष्ट्र सरकार में मंत्री बनाया जाय l ताकि वो संपूर्ण महाराष्ट्र में भाजपा के संगठन को मजबूत करेंl।शैलेश पांडे  का कहना है कि नरेंद्र मेहता  नें भाजपा मीरा भाईदर जिला चुनाव प्रमुख के रूप में अद्वितीय चाणाक्ष रणनीति से शिवसेना के सारे गढ ढहा दिए , अत्यंत  सूक्ष्म योजना  बना अपने कर्मठ पदाधिकारीयौ को जवाबदारी देकर सतत उनसे संवाद व मार्गदर्शन देकर  उनका मनोबल बढ़ाकर अपने रणनीति  व योजना को क्रियान्वयन किया l जनता में  बैठक, कार्यक्रम, सेवाकार्य  , विकासकार्य कर    प्रत्येक झोन  व बूथ पर  जनसंवाद  कार्यक्रम  कर, अनेक  सभी समाज की सभा  लेकर,  महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवा भाऊ देवेंद्र फडणवीस की विराट सभा लेकर, व उनके  अपनापन  व चमत्कारिक नेतृत्व  के  कारण  सभी कार्यकर्ताओं  ने  कठिन परिश्रम किया l उन्होनें परिश्रम की पराकाष्ठा कर सुबह 6 बजे से अगली सुबह भोर के 3, 4 बजे तक कठिन मेहनत कर अविस्मरणीय, ऐतिहासिक चमत्कारिक, न भूतो न भविष्येत प्रचंड विजय दिलाई  l
डॉ. विजय नारायण पंडित की कहानी संग्रह बड़े भाग मानुष तन पावा का लोकार्पण
कल्याण। कल्याण (पश्चिम) स्थित के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय के हिन्दी विभाग के तत्वावधान में 16–17 जनवरी 2026 को आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी अत्यंत गरिमामय वातावरण में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुई। इस राष्ट्रीय संगोष्ठी में देश के विभिन्न विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों से पधारे प्रतिष्ठित शिक्षाविदों, साहित्यकारों, शोधार्थियों तथा विद्यार्थियों ने सक्रिय और उत्साहपूर्ण सहभागिता की।संगोष्ठी का उद्घाटन सत्र महाविद्यालय के अध्यक्ष एवं प्रख्यात साहित्यकार डॉ. विजय नारायण पंडित के मार्गदर्शन में सम्पन्न हुआ। उद्घाटन सत्र की अध्यक्षता महाराष्ट्र राज्य हिन्दी साहित्य अकादमी के पूर्व अध्यक्ष प्रो.शीतला प्रसाद दुबे ने की। बीज वक्तव्य प्रो.मनोज सिंह (प्रोफेसर, हिन्दी विभाग, बनारस हिन्दू विश्वविद्यालय) द्वारा प्रस्तुत किया गया, जिसमें हिन्दी साहित्य के समकालीन विमर्श, सामाजिक सरोकारों और वैचारिक प्रवृत्तियों पर गहन एवं विचारोत्तेजक दृष्टि डाली गई। मुख्य अतिथि के रूप में श्रीमती रेनू पृथियानी (अंचल निदेशक, भारतीय सांस्कृतिक संबंध परिषद, मुंबई) की गरिमामयी उपस्थिति रही।  स्वागताध्यक्ष ओम प्रकाश (मुन्ना) पाण्डेय (सचिव, के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय) ने सभी अतिथियों का आत्मीय स्वागत किया। प्रस्ताविकी डॉ. अनिता मन्ना (प्राचार्या, के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय) द्वारा प्रस्तुत की गई, जिसमें संगोष्ठी के उद्देश्यों, वैचारिक पृष्ठभूमि एवं इसके अकादमिक महत्व को स्पष्ट रूप से रेखांकित किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय प्रबंधन समिति के कांतिलाल जैन,डॉ. सुजीत सिंह एवं विजय तिवारी की उपस्थिति ने कार्यक्रम की गरिमा को और बढ़ाया। उद्घाटन सत्र का एक विशेष आकर्षण चार महत्वपूर्ण पुस्तकों का लोकार्पण रहा। इनमें अमरकांत पर केन्द्रित आलेखों का संग्रह, मध्य एशिया में हिन्दी से जुड़े लेखों का संकलन, पंडित विद्यानिवास मिश्र पर केन्द्रित समीचीन पत्रिका का विशेष अंक तथा डॉ. विजय नारायण पंडित का नवीनतम कहानी संग्रह "बड़े भाग मानुष तन पावा" प्रमुख रूप से शामिल रहा। डॉ. विजय नारायण पंडित के इस कथा-संग्रह पर उपस्थित विद्वानों एवं अतिथियों ने अपने मंतव्य व्यक्त करते हुए इसे मानवीय संवेदना, जीवन-दृष्टि और सामाजिक यथार्थ से सम्पन्न एक सशक्त रचना बताया तथा इसकी मुक्त कंठ से सराहना की।
संगोष्ठी के अंतर्गत दो दिनों में कुल पाँच अकादमिक सत्रों का आयोजन किया गया। इन सत्रों में हिन्दी साहित्य, आलोचना, संस्कृति, समकालीन विमर्श तथा शोध की नवीन प्रवृत्तियों पर गंभीर एवं सार्थक चर्चा हुई। देशभर से आए विद्वत् संदर्भ-वक्ताओं ने अपने शोधपत्र प्रस्तुत किए तथा प्रख्यात शिक्षाविदों की अध्यक्षता एवं सत्र-संचालन ने संगोष्ठी के अकादमिक स्तर को अत्यंत समृद्ध बनाया।
द्वितीय दिवस के समापन सत्र में प्रतिभागियों ने संगोष्ठी को अत्यंत उपयोगी, शोधोन्मुखी एवं संवादपरक बताते हुए अपने सकारात्मक मंतव्य व्यक्त किए। समापन सत्र की अध्यक्षता डॉ. अनिता मन्ना ने की। इस अवसर पर प्रो. ईश्वर पवार तथा प्रो. पुरुषोत्तम कुंदे विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र वितरित किए गए। पूरे आयोजन का कुशल संचालन एवं प्रभावी आभार प्रदर्शन डॉ. मनीष कुमार मिश्रा (हिन्दी विभाग, के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय) द्वारा किया गया। इस राष्ट्रीय संगोष्ठी की सफलता ने के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय को राष्ट्रीय अकादमिक मानचित्र पर एक सशक्त एवं प्रतिष्ठित पहचान प्रदान की।
रांची में जमीन विवाद को लेकर खूनी संघर्ष: पिस्का मोड़ पर ताबड़तोड़ फायरिंग, जमीन कारोबारी समेत 3 को लगी गोली।

रांची: जिले में शनिवार की देर रात जमीन विवाद को लेकर ताबड़तोड़ फायरिंग हुई. इस फायरिंग में तीन लोगों को गोली लगी है. सभी को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती करवाया गया है.

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क्या है पूरा मामला

रांची के पिस्का मोड़ तेलमिल गली में शनिवार की रात दो गुटों में ताबड़तोड़ फायरिंग की घटना हुई. गोलीबारी की घटना में तीन लोग घायल हो गए. घायलों में एक जमीन कारोबारी विकास सिंह, उसके भाई आकाश सिंह उर्फ मोगली के अलावा दूसरे गुट के रवि नमक युवक शामिल हैं.

घायल विकास सिंह को छाती और हाथ में कुल तीन गोली लगी है. जबकि उसके भाई को हाथ में गोली लगी है. घायलों को आनन- फानन में सदर अस्पताल ले जाया गया. जहां प्रारंभिक इलाज के बाद निजी अस्पताल में रेफर कर दिया गया है. चिकित्सकों के अनुसार दोनों घायल खतरे से बाहर हैं.

कई थानों की पुलिस हुई रेस

घटना की जानकारी मिलने के बाद कोतवाली डीएसपी प्रकाश सोय, सुखदेव नगर थाना प्रभारी और पंडरा ओपी प्रभारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे. पुलिस को घटनास्थल से कुछ खोखा भी मिला है. पुलिस की प्रारंभिक जांच में जमीन विवाद और पैसे के लेनदेन को लेकर अपराधियों ने घटना को अंजाम देने की बात सामने आई है. पुलिस मामले में अपराधी संजय पांडेय समेत कई लोगों को गिरफ्तार भी किया है.

बातचीत के लिए बुलाया और मार दी गोली

बताया जा रहा है कि जमीन कारोबारी विकास सिंह और उसके भाई आकाश और मोगली को शनिवार की शाम बातचीत करने के लिए संजय पांडे नामक अपराधी ने पिस्का मोड़ तेल गली में बुलाया था. दोनों भाई रात करीब 9.45 बजे तेल मिल गली पहुंचे. जहां पर पहले से अपराधी संजय पांडे अपने गुर्गो के साथ मौजूद था

बातचीत के दौरान संजय पांडे और उसके गुर्गो ने जमीन कारोबारी विकास पर गोली चलाना शुरू कर दिया. बताया जा रहा है कि अपराधियों ने विकास पर 5 से 6 राउंड फायरिंग की, जिसमें विकास को तीन और उसके भाई को एक गोली लगी. घटना के बाद संजय पांडे अपने गुर्गो के साथ मौके से फरार हो गया.

55 लाख रुपए के लेनदेन में हुई घटना

बताया जा रहा है कि सुकुरहुटू में एक चार एकड़ की जमीन है. जिस पर संजय पांडे और विकास काम कर रहे थे. काम में

विकास का संजय पांडे पर करीब 55 लाख रुपए बकाया हो गया. विकास लगातार संजय पांडे पर पैसा वापस करने का दबाव दे रहा था. इस बात को लेकर दोनों के बीच कुछ दिनों से विवाद चल रहा था.

पुलिस को आशंका है कि अपराधियों ने इसी की वजह से विकास की हत्या की नीयत से उस पर गोली चलाई है. रांची के कोतवाली डीएसपी प्रकाश सोय ने बताया कि गोलीबारी मामले में कई लोगों को हिरासत में लिया गया है. घटना के पीछे जमीन विवाद है या फिर कुछ और इसकी जांच की जा रही है.

दावोस में गूंजेगा 'जोहार': झारखंड के पर्यटन में निवेश के लिए दुनिया को आमंत्रण, प्रकृति और आध्यात्म का वैश्विक हब बनेगा राज्य।

रांची: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में झारखंड अब वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर एक विशिष्ट स्थान बनाने की ओर अग्रसर है। विश्व आर्थिक मंच (WEF) के मंच से झारखंड दुनिया को एक ऐसी यात्रा का निमंत्रण देगा, जो प्रकृति, संस्कृति, आध्यात्म और रोमांच का अद्भुत संगम है। राज्य सरकार का लक्ष्य निवेश के माध्यम से पर्यटन क्षेत्र में रोजगार और विकास के नए अवसरों को सृजित करना है।

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विविध भौगोलिक पहचान और आकर्षण

छोटा नागपुर पठार की गोद में बसे झारखंड की भौगोलिक बनावट इसे एक बेजोड़ पर्यटन स्थल बनाती है।

झरनों का शहर: हुंडरू, दशम, जोन्हा और लोध जैसे भव्य जलप्रपात पर्यटकों को मंत्रमुग्ध करते हैं।

पहाड़ों की रानी: नेतरहाट की पहाड़ियाँ और सनसेट व्यू वैश्विक स्तर पर सराहे जा रहे हैं।

विशिष्ट धरोहर: 'मैक्लुस्कीगंज' जैसे गांव अपनी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विशिष्टता के लिए जाने जाते हैं।

आदिवासी विरासत और कला का जीवंत अनुभव

झारखंड का पर्यटन इसकी आदिवासी संस्कृति में रचा-बसा है। सरहुल, करम और सोहराय जैसे त्योहारों के साथ-साथ डोकरा आर्ट, पैतकर पेंटिंग और छऊ नृत्य जैसे कला रूप पर्यटकों को एक गहरा अनुभव प्रदान करते हैं। इसके साथ ही देवघर का बैद्यनाथ धाम और मलूटी के मंदिर समूह राज्य के आध्यात्मिक महत्व को दर्शाते हैं।

एडवेंचर और वाइल्डलाइफ टूरिज्म में संभावनाएं

साहसिक खेलों के शौकीनों के लिए झारखंड अब पैराग्लाइडिंग, रॉक क्लाइम्बिंग और वॉटरफॉल रैपलिंग जैसे अवसर प्रदान कर रहा है। पलामू टाइगर रिजर्व और दलमा हाथी अभयारण्य जैसे वन्यजीव केंद्र इसे वन्यजीव प्रेमियों की पहली पसंद बना रहे हैं।

दावोस में 'जोहार' का संदेश

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन विश्व आर्थिक मंच में बताएंगे कि कैसे झारखंड का पर्यटन मॉडल "सहअस्तित्व और निरंतरता" पर आधारित है। राज्य सरकार निजी निवेशकों को ईको-टूरिज्म, वेलनेस सेंटर और एडवेंचर पार्क विकसित करने के लिए प्रोत्साहित कर रही है, ताकि स्थानीय समुदायों की आजीविका को भी मजबूती मिले।

दावोस में 'पधारो झारखंड': मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने किया झारखंड पवेलियन का निरीक्षण, 19 जनवरी से दुनिया देखेगी राज्य की ताकत।

दावोस (स्विट्जरलैंड): झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में राज्य का उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम-2026 में शामिल होने के लिए दावोस पहुँच चुका है। शनिवार को मुख्यमंत्री ने 'इंडियन पवेलियन' परिसर में विशेष रूप से तैयार किए गए 'झारखंड पवेलियन' का भ्रमण और निरीक्षण किया।

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19 से 23 जनवरी तक सजेगा वैश्विक मंच

झारखंड राज्य के गठन के 25 वर्ष पूरे होने के बाद यह पहला मौका है जब राज्य सरकार का कोई आधिकारिक प्रतिनिधिमंडल दावोस की इस प्रतिष्ठित वैश्विक बैठक में भाग ले रहा है। मुख्यमंत्री ने पवेलियन के निरीक्षण के दौरान तैयारियों को अंतिम रूप दिया और यह सुनिश्चित किया कि झारखंड की औद्योगिक एवं सांस्कृतिक छवि दुनिया के सामने प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत हो।

भागीदारी के 5 मुख्य स्तंभ:

इस वर्ष दावोस में झारखंड की भागीदारी मुख्य रूप से निम्नलिखित पाँच विषयों पर केंद्रित होगी:

इलेक्ट्रिक मोबिलिटी: ईवी (EV) क्षेत्र में राज्य की संभावनाओं को पेश करना।

ऊर्जा सुरक्षा: ऊर्जा के स्रोतों के स्थायी प्रबंधन पर चर्चा।

पर्यावरण एवं वन: राज्य के हरित आवरण और प्रकृति संरक्षण का मॉडल।

जैव-अर्थव्यवस्था (Bio-economy): जैविक संसाधनों के आर्थिक लाभ और समावेशिता।

महिला सशक्तिकरण: राज्य की महिलाओं के आर्थिक सुदृढ़ीकरण की सफलता।

वैश्विक चर्चाओं में झारखंड का स्थान:

प्रतिनिधिमंडल का लक्ष्य झारखंड को सतत विकास (Sustainable Development) और न्यायसंगत परिवर्तन (Just Transition) के रास्तों पर वैश्विक चर्चाओं में अग्रणी स्थान दिलाना है। इस दौरान मुख्यमंत्री विभिन्न अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के सीईओ और नीति निर्माताओं के साथ बैठकें भी करेंगे।

रेलवे कार्यक्रम में बेइज्जती से आगबबूला सपा सांसद, बोले– अफसर काम नहीं करेंगे तो जूते पड़ेंगे, केस से नहीं डरता

बलिया।बलिया लोकसभा सीट से समाजवादी पार्टी के सांसद सनातन पांडेय रेलवे के एक कार्यक्रम में खुद को दरकिनार किए जाने से इस कदर भड़क गए कि उन्होंने खुले मंच से अफसरों को चेतावनी दे डाली। फेफना क्षेत्र में हुए रेलवे कार्यक्रम में मुख्य अतिथि न बनाए जाने पर सांसद ने तीखा हमला बोलते हुए कहा— “अधिकारी अगर काम नहीं करेंगे तो जूते नहीं खाएंगे क्या? मुझ पर जितने मुकदमे करने हों कर लो, झेलने के लिए तैयार हूं।”
दरअसल, फेफना रेलवे स्टेशन पर दो ट्रेनों के ठहराव को लेकर शुक्रवार को एक कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इस कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के आयुष मंत्री और बलिया के प्रभारी मंत्री दयाशंकर दयालु को मुख्य अतिथि बनाया गया था। हालांकि वह अपरिहार्य कारणों से कार्यक्रम में नहीं पहुंचे। इसके बाद भाजपा के राज्यसभा सांसद नीरज शेखर को मुख्य अतिथि के रूप में मंच पर बैठाया गया।
यहीं से सियासी तूफान खड़ा हो गया। कार्यक्रम में स्थानीय सांसद सनातन पांडेय को न बुलाए जाने से सपा सांसद बुरी तरह नाराज हो गए। अगले ही दिन फेफना क्षेत्र के बघेजी गांव में आयोजित एक कार्यक्रम में उन्होंने सरकार, अफसरशाही और प्रोटोकॉल व्यवस्था पर जमकर हमला बोला।
सनातन पांडेय ने कहा कि देश में यह परंपरा रही है कि केंद्र सरकार की किसी भी परियोजना का मुख्य अतिथि वहां का सांसद होता है, चाहे वह सत्ता पक्ष से हो या विपक्ष से। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार ने जानबूझकर सांसद की अनदेखी कर लोकतांत्रिक मर्यादाओं को तार-तार कर दिया।
भावुक और आक्रोशित अंदाज में सांसद ने कहा—
“मैं बूढ़ा जरूर हो गया हूं, लेकिन मेरे आत्मसम्मान की उम्र आज भी जवान है। मन करता था कि उस कार्यक्रम में जाकर कुर्सी उठाकर फेंक दूं।”
उन्होंने यह भी कहा कि अब लोग उन्हें झगड़ालू प्रवृत्ति का कहने लगे हैं, लेकिन वह इसे जनता के सम्मान की लड़ाई मानते हैं। सांसद के इस बयान के बाद बलिया की राजनीति में भूचाल आ गया है।
रेलवे कार्यक्रम को लेकर उठे इस विवाद ने न सिर्फ प्रोटोकॉल पर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच टकराव को भी और तेज कर दिया है।
अब सवाल यही है—क्या सांसद की अनदेखी सियासी भूल थी या जानबूझकर किया गया अपमान?
माघ मेला प्रयागराज: एडीजी कानून-व्यवस्था व गृह सचिव ने संभाली कमान, सुरक्षा से लेकर भीड़ नियंत्रण तक हर व्यवस्था का लिया जायजा

प्रयागराज। माघ मेला प्रयागराज में स्नान पर्वों के दौरान उमड़ रही भारी भीड़ को देखते हुए शासन-प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है। इसी क्रम में अपर पुलिस महानिदेशक (कानून एवं व्यवस्था) उत्तर प्रदेश अमिताभ यश एवं सचिव (गृह) उत्तर प्रदेश शासन मोहित गुप्ता ने शुक्रवार को मेला क्षेत्र में कैंप कर व्यवस्थाओं का स्थलीय निरीक्षण किया। 17 जनवरी 2026 को दोनों वरिष्ठ अधिकारियों ने माघ मेला क्षेत्र का व्यापक भ्रमण कर सुरक्षा एवं प्रबंधन की गहन समीक्षा की।

निरीक्षण के दौरान एडीजी कानून एवं व्यवस्था और गृह सचिव ने मेला क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था, यातायात प्रबंधन, भीड़ नियंत्रण, महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा, आपदा प्रबंधन तथा पुलिस बल की तैनाती का बारीकी से अवलोकन किया। अधिकारियों ने संगम नोज से बोट के माध्यम से त्रिवेणी संगम घाट, अरैल घाट, झूसी घाट और किला घाट सहित प्रमुख स्नान घाटों का निरीक्षण कर मौके पर मौजूद अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

इसके पश्चात दोनों अधिकारियों ने इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) पहुंचकर सीसीटीवी निगरानी, ड्रोन सर्विलांस, पब्लिक एड्रेस सिस्टम और रियल-टाइम मॉनिटरिंग व्यवस्थाओं की समीक्षा की। साथ ही हनुमान मंदिर, काली सड़क, काली घाट, पांटून पुल, एरावत घाट, टीकर माफी, नागवासुकी और फाफामऊ क्षेत्रों के साथ-साथ मेला क्षेत्र से श्रद्धालुओं की सुरक्षित निकासी के मार्गों का भी निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान एडीजी अमिताभ यश ने स्पष्ट निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुविधा और सुचारु आवागमन शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि निकासी मार्गों को और अधिक सुव्यवस्थित व अवरोधमुक्त रखा जाए, ताकि भीड़ बढ़ने की स्थिति में किसी प्रकार की अफरा-तफरी न हो। साथ ही किसी भी आकस्मिक या आपात स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए पुलिस, प्रशासन और अन्य संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित किया जाए।

महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर भी विशेष जोर दिया गया। अधिकारियों ने महिला हेल्प डेस्क, पिंक बूथ, खोया-पाया केंद्र, साइबर जागरूकता अभियान और सूचना तंत्र को और अधिक मजबूत बनाने के निर्देश दिए। भीड़ नियंत्रण के लिए अतिरिक्त पुलिस बल, जल पुलिस, आरएएफ और ट्रैफिक पुलिस की तैनाती को लेकर भी समीक्षा की गई।

निरीक्षण के दौरान एडीजी कानून एवं व्यवस्था ने ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों से संवाद कर उनका उत्साहवर्धन किया और उन्हें कर्तव्यनिष्ठा, शालीन व्यवहार, संवेदनशीलता और पूर्ण सतर्कता के साथ अपने दायित्वों के निर्वहन के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि माघ मेले की सफलता पुलिस बल की सतर्कता और अनुशासन पर निर्भर करती है।

प्रशासन का कहना है कि माघ मेला प्रयागराज में आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा सुनिश्चित करने के लिए बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है और हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह तैयार है।

*विपक्ष के कारनामे गलत,इसीलिए जनता सिखा रही सबक - विजय रघुवंशी*
जनता ने विकसित भारत के पक्ष में किया मतदान - सुशील त्रिपाठी*

एशिया की सबसे अमीर नगर निगम में बैठेगा भाजपा का मेयर - सुशील त्रिपाठी* 

महाराष्ट्र नगर निगम में मिली शानदार जीत पर कार्यकर्ताओं ने मनाया जश्न* सुलतानपुर,महाराष्ट्र की जनता ने भाजपा गठबंधन के सुशासन एवं विकसित भारत के एजेंडे के पक्ष में मतदान किया है।महाराष्ट्र में मुंबई नगर महापालिका के साथ महाराष्ट्र की अन्य महानगरपालिकाओं के चुनाव में 29 में से 25 निगमों में हुई जीत पर शनिवार को भाजपा जिला कार्यालय पर कार्यकर्ताओं ने जश्न मनाया।भाजपा जिंदाबाद और जीत गए, हम जीत गए, मुम्बई महापालिका जीत गए के नारे लगाए।इस मौके पर भाजपा जिलाध्यक्ष सुशील त्रिपाठी ने महाराष्ट्र की शानदार जीत पर जनता का आभार जताया।कहा बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के ऐतिहासिक चुनाव नतीजों ने महाराष्ट्र की राजनीति में एक नए युग की शुरुआत कर दी है।अब एशिया के सबसे अमीर नगर निगम में तीन दशकों के इंतजार के बाद भाजपा का मेयर बैठेगा।अब महाराष्ट्र के 29 में से 25 नगर निगमों में भाजपा का मेयर होगा। उन्होंने कहा जनता ने विकसित भारत के पक्ष में मतदान किया है।नकरात्मक राजनीती करने वालों की हार हुई है।महाराष्ट्र नगर निगम चुनाव में मिली ऐतिहासिक जीत पर पार्टी मीडिया प्रमुख विजय रघुवंशी ने कहा देश सही दिशा में जा रहा है।विपक्ष के कारनामे गलत है इसीलिए जनता उनको हर चुनाव में सबक सिखा रही हैं।इस मौके पर जिला उपाध्यक्ष डॉ प्रीति प्रकाश,आशीष सिंह रानू, काली सहाय पाठक,वीरेंद्र भार्गव, सोहनलाल निषाद, मनोज श्रीवास्तव,राम अभिलाष सिंह, सुनील विश्वकर्मा,अतुल सिंह, सतीश सिंह,विनय कुमार सिंह, पूर्व प्रधान दया राम यादव,शिव पूजन निषाद, शिवप्रताप कोरी, पवन मिश्रा,अशोक वर्मा, विनोद मिश्रा आदि मौजूद रहे।
लाखों ने किया गोमती में स्नान,गोमती मित्रों ने रखा सभी का ध्यान*
सुल्तानपुर,मौनी अमावस्या के स्नान पर्व पे सीताकुंड धाम पे भोर 4:00 बजे से शुरू हुआ श्रद्धालुओं का सैलाब लाखों की संख्या को पार कर गया,भीषण ठंड और घना कोहरा भी आस्था के सैलाब को बाधित न कर पाया,गोमती मित्रों ने भी धाम पहुंचने वाले श्रद्धालुओं के सहयोग के लिए कमर कसी हुई थी। प्रदेश अध्यक्ष मदन सिंह के नेतृत्व में स्वच्छता और सुरक्षा दोनों ही मुद्दों पर गोमती मित्र चूक न होने पावे इसके लिए लगे हुये थे,तट पर एकत्रित पूजन सामग्री को तत्काल हटाने के साथ ही नदी के अंदर से भी मूर्तियों को बाहर किया जा रहा था ताकि श्रद्धालुओं को चोट न लगे,बीच-बीच में गोमती मित्र श्रद्धालुओं को चाय का वितरण कर रहे थे। मीडिया प्रभारी रमेश महेश्वरी व प्रबंधक राजेंद्र शर्मा लगातार माइक से श्रद्धालुओं को व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने की अपील कर रहे थे,रुद्र प्रताप सिंह मदन, मीडिया प्रभारी रमेश महेश्वरी,प्रबंधक राजेंद्र शर्मा,डॉ कुंवर दिनकर प्रताप सिंह, राकेश सिंह दद्दू,राजेश पाठक,संत कुमार प्रधान, राकेश मिश्रा,अजय प्रताप सिंह,मुन्ना सोनी,बिपिन सोनी,राम क्विंचल मौर्या, आलोक तिवारी,रामू सोनी,प्रदीप कसौधन, श्याम मौर्या,अर्जुन यादव,आयुष सोनी, अभय मिश्रा आदि लगातार डटे रहे।
भाजपा नेत्री मनीषा पांडेय ने पार्टी कार्यकर्ताओं में भरा उत्साह*
भाजपा नेत्री के संयोजन में झारखंड शिव मंदिर में आयोजित हुआ समरसता खिचड़ी भोज*

आगामी विधानसभा चुनाव में जीत का जताया संकल्प* 

सुल्तानपुर,इसौली विधानसभा क्षेत्र के रवनिया स्थित झारखंड प्राचीन शिव मंदिर परिसर में भाजपा नेत्री मनीषा पांडेय के संयोजन में समरसता खिचड़ी भोज आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता शिव नगर के नवनिर्वाचित मंडल अध्यक्ष मनीष तिवारी ने की। इस दौरान भाजपा नेत्री मनीषा पांडेय ने पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि पार्टी जो भी विधानसभा प्रत्याशी घोषित करेगी,उसे भारी मतों से जीत दिलाने में सभी जुटें।उन्होंने इसौली विधानसभा के ठप पड़े विकास को गति देने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। इस दौरान कार्यक्रम में धर्मेंद्र तिवारी,राकेश मिश्रा,अनुज द्विवेदी, भोलानाथ तिवारी,बजरंग नारायण द्विवेदी, मंडल अध्यक्ष मनीष तिवारी और कई बूथ अध्यक्ष मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री से भाजपा विधायक नरेंद्र मेहता को मंत्री बनाने की मांग
भायंदर। भाजपा महाराष्ट्र प्रदेश प्रवक्ता शैलेश पांडे नें कहा कि महाराष्ट्र के लोकप्रिय मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस से मेरी विनती हैं कि जनता की माँग है कि मीरा भाईदर में भाजपा के ऐतिहासिक जीत के शिल्पकार आमदार नरेंद्र मेहता को शीघ्र  महाराष्ट्र सरकार में मंत्री बनाया जाय l ताकि वो संपूर्ण महाराष्ट्र में भाजपा के संगठन को मजबूत करेंl।शैलेश पांडे  का कहना है कि नरेंद्र मेहता  नें भाजपा मीरा भाईदर जिला चुनाव प्रमुख के रूप में अद्वितीय चाणाक्ष रणनीति से शिवसेना के सारे गढ ढहा दिए , अत्यंत  सूक्ष्म योजना  बना अपने कर्मठ पदाधिकारीयौ को जवाबदारी देकर सतत उनसे संवाद व मार्गदर्शन देकर  उनका मनोबल बढ़ाकर अपने रणनीति  व योजना को क्रियान्वयन किया l जनता में  बैठक, कार्यक्रम, सेवाकार्य  , विकासकार्य कर    प्रत्येक झोन  व बूथ पर  जनसंवाद  कार्यक्रम  कर, अनेक  सभी समाज की सभा  लेकर,  महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवा भाऊ देवेंद्र फडणवीस की विराट सभा लेकर, व उनके  अपनापन  व चमत्कारिक नेतृत्व  के  कारण  सभी कार्यकर्ताओं  ने  कठिन परिश्रम किया l उन्होनें परिश्रम की पराकाष्ठा कर सुबह 6 बजे से अगली सुबह भोर के 3, 4 बजे तक कठिन मेहनत कर अविस्मरणीय, ऐतिहासिक चमत्कारिक, न भूतो न भविष्येत प्रचंड विजय दिलाई  l
डॉ. विजय नारायण पंडित की कहानी संग्रह बड़े भाग मानुष तन पावा का लोकार्पण
कल्याण। कल्याण (पश्चिम) स्थित के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय के हिन्दी विभाग के तत्वावधान में 16–17 जनवरी 2026 को आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी अत्यंत गरिमामय वातावरण में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुई। इस राष्ट्रीय संगोष्ठी में देश के विभिन्न विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों से पधारे प्रतिष्ठित शिक्षाविदों, साहित्यकारों, शोधार्थियों तथा विद्यार्थियों ने सक्रिय और उत्साहपूर्ण सहभागिता की।संगोष्ठी का उद्घाटन सत्र महाविद्यालय के अध्यक्ष एवं प्रख्यात साहित्यकार डॉ. विजय नारायण पंडित के मार्गदर्शन में सम्पन्न हुआ। उद्घाटन सत्र की अध्यक्षता महाराष्ट्र राज्य हिन्दी साहित्य अकादमी के पूर्व अध्यक्ष प्रो.शीतला प्रसाद दुबे ने की। बीज वक्तव्य प्रो.मनोज सिंह (प्रोफेसर, हिन्दी विभाग, बनारस हिन्दू विश्वविद्यालय) द्वारा प्रस्तुत किया गया, जिसमें हिन्दी साहित्य के समकालीन विमर्श, सामाजिक सरोकारों और वैचारिक प्रवृत्तियों पर गहन एवं विचारोत्तेजक दृष्टि डाली गई। मुख्य अतिथि के रूप में श्रीमती रेनू पृथियानी (अंचल निदेशक, भारतीय सांस्कृतिक संबंध परिषद, मुंबई) की गरिमामयी उपस्थिति रही।  स्वागताध्यक्ष ओम प्रकाश (मुन्ना) पाण्डेय (सचिव, के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय) ने सभी अतिथियों का आत्मीय स्वागत किया। प्रस्ताविकी डॉ. अनिता मन्ना (प्राचार्या, के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय) द्वारा प्रस्तुत की गई, जिसमें संगोष्ठी के उद्देश्यों, वैचारिक पृष्ठभूमि एवं इसके अकादमिक महत्व को स्पष्ट रूप से रेखांकित किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय प्रबंधन समिति के कांतिलाल जैन,डॉ. सुजीत सिंह एवं विजय तिवारी की उपस्थिति ने कार्यक्रम की गरिमा को और बढ़ाया। उद्घाटन सत्र का एक विशेष आकर्षण चार महत्वपूर्ण पुस्तकों का लोकार्पण रहा। इनमें अमरकांत पर केन्द्रित आलेखों का संग्रह, मध्य एशिया में हिन्दी से जुड़े लेखों का संकलन, पंडित विद्यानिवास मिश्र पर केन्द्रित समीचीन पत्रिका का विशेष अंक तथा डॉ. विजय नारायण पंडित का नवीनतम कहानी संग्रह "बड़े भाग मानुष तन पावा" प्रमुख रूप से शामिल रहा। डॉ. विजय नारायण पंडित के इस कथा-संग्रह पर उपस्थित विद्वानों एवं अतिथियों ने अपने मंतव्य व्यक्त करते हुए इसे मानवीय संवेदना, जीवन-दृष्टि और सामाजिक यथार्थ से सम्पन्न एक सशक्त रचना बताया तथा इसकी मुक्त कंठ से सराहना की।
संगोष्ठी के अंतर्गत दो दिनों में कुल पाँच अकादमिक सत्रों का आयोजन किया गया। इन सत्रों में हिन्दी साहित्य, आलोचना, संस्कृति, समकालीन विमर्श तथा शोध की नवीन प्रवृत्तियों पर गंभीर एवं सार्थक चर्चा हुई। देशभर से आए विद्वत् संदर्भ-वक्ताओं ने अपने शोधपत्र प्रस्तुत किए तथा प्रख्यात शिक्षाविदों की अध्यक्षता एवं सत्र-संचालन ने संगोष्ठी के अकादमिक स्तर को अत्यंत समृद्ध बनाया।
द्वितीय दिवस के समापन सत्र में प्रतिभागियों ने संगोष्ठी को अत्यंत उपयोगी, शोधोन्मुखी एवं संवादपरक बताते हुए अपने सकारात्मक मंतव्य व्यक्त किए। समापन सत्र की अध्यक्षता डॉ. अनिता मन्ना ने की। इस अवसर पर प्रो. ईश्वर पवार तथा प्रो. पुरुषोत्तम कुंदे विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र वितरित किए गए। पूरे आयोजन का कुशल संचालन एवं प्रभावी आभार प्रदर्शन डॉ. मनीष कुमार मिश्रा (हिन्दी विभाग, के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय) द्वारा किया गया। इस राष्ट्रीय संगोष्ठी की सफलता ने के. एम. अग्रवाल महाविद्यालय को राष्ट्रीय अकादमिक मानचित्र पर एक सशक्त एवं प्रतिष्ठित पहचान प्रदान की।
रांची में जमीन विवाद को लेकर खूनी संघर्ष: पिस्का मोड़ पर ताबड़तोड़ फायरिंग, जमीन कारोबारी समेत 3 को लगी गोली।

रांची: जिले में शनिवार की देर रात जमीन विवाद को लेकर ताबड़तोड़ फायरिंग हुई. इस फायरिंग में तीन लोगों को गोली लगी है. सभी को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती करवाया गया है.

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क्या है पूरा मामला

रांची के पिस्का मोड़ तेलमिल गली में शनिवार की रात दो गुटों में ताबड़तोड़ फायरिंग की घटना हुई. गोलीबारी की घटना में तीन लोग घायल हो गए. घायलों में एक जमीन कारोबारी विकास सिंह, उसके भाई आकाश सिंह उर्फ मोगली के अलावा दूसरे गुट के रवि नमक युवक शामिल हैं.

घायल विकास सिंह को छाती और हाथ में कुल तीन गोली लगी है. जबकि उसके भाई को हाथ में गोली लगी है. घायलों को आनन- फानन में सदर अस्पताल ले जाया गया. जहां प्रारंभिक इलाज के बाद निजी अस्पताल में रेफर कर दिया गया है. चिकित्सकों के अनुसार दोनों घायल खतरे से बाहर हैं.

कई थानों की पुलिस हुई रेस

घटना की जानकारी मिलने के बाद कोतवाली डीएसपी प्रकाश सोय, सुखदेव नगर थाना प्रभारी और पंडरा ओपी प्रभारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे. पुलिस को घटनास्थल से कुछ खोखा भी मिला है. पुलिस की प्रारंभिक जांच में जमीन विवाद और पैसे के लेनदेन को लेकर अपराधियों ने घटना को अंजाम देने की बात सामने आई है. पुलिस मामले में अपराधी संजय पांडेय समेत कई लोगों को गिरफ्तार भी किया है.

बातचीत के लिए बुलाया और मार दी गोली

बताया जा रहा है कि जमीन कारोबारी विकास सिंह और उसके भाई आकाश और मोगली को शनिवार की शाम बातचीत करने के लिए संजय पांडे नामक अपराधी ने पिस्का मोड़ तेल गली में बुलाया था. दोनों भाई रात करीब 9.45 बजे तेल मिल गली पहुंचे. जहां पर पहले से अपराधी संजय पांडे अपने गुर्गो के साथ मौजूद था

बातचीत के दौरान संजय पांडे और उसके गुर्गो ने जमीन कारोबारी विकास पर गोली चलाना शुरू कर दिया. बताया जा रहा है कि अपराधियों ने विकास पर 5 से 6 राउंड फायरिंग की, जिसमें विकास को तीन और उसके भाई को एक गोली लगी. घटना के बाद संजय पांडे अपने गुर्गो के साथ मौके से फरार हो गया.

55 लाख रुपए के लेनदेन में हुई घटना

बताया जा रहा है कि सुकुरहुटू में एक चार एकड़ की जमीन है. जिस पर संजय पांडे और विकास काम कर रहे थे. काम में

विकास का संजय पांडे पर करीब 55 लाख रुपए बकाया हो गया. विकास लगातार संजय पांडे पर पैसा वापस करने का दबाव दे रहा था. इस बात को लेकर दोनों के बीच कुछ दिनों से विवाद चल रहा था.

पुलिस को आशंका है कि अपराधियों ने इसी की वजह से विकास की हत्या की नीयत से उस पर गोली चलाई है. रांची के कोतवाली डीएसपी प्रकाश सोय ने बताया कि गोलीबारी मामले में कई लोगों को हिरासत में लिया गया है. घटना के पीछे जमीन विवाद है या फिर कुछ और इसकी जांच की जा रही है.

दावोस में गूंजेगा 'जोहार': झारखंड के पर्यटन में निवेश के लिए दुनिया को आमंत्रण, प्रकृति और आध्यात्म का वैश्विक हब बनेगा राज्य।

रांची: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में झारखंड अब वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर एक विशिष्ट स्थान बनाने की ओर अग्रसर है। विश्व आर्थिक मंच (WEF) के मंच से झारखंड दुनिया को एक ऐसी यात्रा का निमंत्रण देगा, जो प्रकृति, संस्कृति, आध्यात्म और रोमांच का अद्भुत संगम है। राज्य सरकार का लक्ष्य निवेश के माध्यम से पर्यटन क्षेत्र में रोजगार और विकास के नए अवसरों को सृजित करना है।

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विविध भौगोलिक पहचान और आकर्षण

छोटा नागपुर पठार की गोद में बसे झारखंड की भौगोलिक बनावट इसे एक बेजोड़ पर्यटन स्थल बनाती है।

झरनों का शहर: हुंडरू, दशम, जोन्हा और लोध जैसे भव्य जलप्रपात पर्यटकों को मंत्रमुग्ध करते हैं।

पहाड़ों की रानी: नेतरहाट की पहाड़ियाँ और सनसेट व्यू वैश्विक स्तर पर सराहे जा रहे हैं।

विशिष्ट धरोहर: 'मैक्लुस्कीगंज' जैसे गांव अपनी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विशिष्टता के लिए जाने जाते हैं।

आदिवासी विरासत और कला का जीवंत अनुभव

झारखंड का पर्यटन इसकी आदिवासी संस्कृति में रचा-बसा है। सरहुल, करम और सोहराय जैसे त्योहारों के साथ-साथ डोकरा आर्ट, पैतकर पेंटिंग और छऊ नृत्य जैसे कला रूप पर्यटकों को एक गहरा अनुभव प्रदान करते हैं। इसके साथ ही देवघर का बैद्यनाथ धाम और मलूटी के मंदिर समूह राज्य के आध्यात्मिक महत्व को दर्शाते हैं।

एडवेंचर और वाइल्डलाइफ टूरिज्म में संभावनाएं

साहसिक खेलों के शौकीनों के लिए झारखंड अब पैराग्लाइडिंग, रॉक क्लाइम्बिंग और वॉटरफॉल रैपलिंग जैसे अवसर प्रदान कर रहा है। पलामू टाइगर रिजर्व और दलमा हाथी अभयारण्य जैसे वन्यजीव केंद्र इसे वन्यजीव प्रेमियों की पहली पसंद बना रहे हैं।

दावोस में 'जोहार' का संदेश

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन विश्व आर्थिक मंच में बताएंगे कि कैसे झारखंड का पर्यटन मॉडल "सहअस्तित्व और निरंतरता" पर आधारित है। राज्य सरकार निजी निवेशकों को ईको-टूरिज्म, वेलनेस सेंटर और एडवेंचर पार्क विकसित करने के लिए प्रोत्साहित कर रही है, ताकि स्थानीय समुदायों की आजीविका को भी मजबूती मिले।

दावोस में 'पधारो झारखंड': मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने किया झारखंड पवेलियन का निरीक्षण, 19 जनवरी से दुनिया देखेगी राज्य की ताकत।

दावोस (स्विट्जरलैंड): झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में राज्य का उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम-2026 में शामिल होने के लिए दावोस पहुँच चुका है। शनिवार को मुख्यमंत्री ने 'इंडियन पवेलियन' परिसर में विशेष रूप से तैयार किए गए 'झारखंड पवेलियन' का भ्रमण और निरीक्षण किया।

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19 से 23 जनवरी तक सजेगा वैश्विक मंच

झारखंड राज्य के गठन के 25 वर्ष पूरे होने के बाद यह पहला मौका है जब राज्य सरकार का कोई आधिकारिक प्रतिनिधिमंडल दावोस की इस प्रतिष्ठित वैश्विक बैठक में भाग ले रहा है। मुख्यमंत्री ने पवेलियन के निरीक्षण के दौरान तैयारियों को अंतिम रूप दिया और यह सुनिश्चित किया कि झारखंड की औद्योगिक एवं सांस्कृतिक छवि दुनिया के सामने प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत हो।

भागीदारी के 5 मुख्य स्तंभ:

इस वर्ष दावोस में झारखंड की भागीदारी मुख्य रूप से निम्नलिखित पाँच विषयों पर केंद्रित होगी:

इलेक्ट्रिक मोबिलिटी: ईवी (EV) क्षेत्र में राज्य की संभावनाओं को पेश करना।

ऊर्जा सुरक्षा: ऊर्जा के स्रोतों के स्थायी प्रबंधन पर चर्चा।

पर्यावरण एवं वन: राज्य के हरित आवरण और प्रकृति संरक्षण का मॉडल।

जैव-अर्थव्यवस्था (Bio-economy): जैविक संसाधनों के आर्थिक लाभ और समावेशिता।

महिला सशक्तिकरण: राज्य की महिलाओं के आर्थिक सुदृढ़ीकरण की सफलता।

वैश्विक चर्चाओं में झारखंड का स्थान:

प्रतिनिधिमंडल का लक्ष्य झारखंड को सतत विकास (Sustainable Development) और न्यायसंगत परिवर्तन (Just Transition) के रास्तों पर वैश्विक चर्चाओं में अग्रणी स्थान दिलाना है। इस दौरान मुख्यमंत्री विभिन्न अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के सीईओ और नीति निर्माताओं के साथ बैठकें भी करेंगे।

रेलवे कार्यक्रम में बेइज्जती से आगबबूला सपा सांसद, बोले– अफसर काम नहीं करेंगे तो जूते पड़ेंगे, केस से नहीं डरता

बलिया।बलिया लोकसभा सीट से समाजवादी पार्टी के सांसद सनातन पांडेय रेलवे के एक कार्यक्रम में खुद को दरकिनार किए जाने से इस कदर भड़क गए कि उन्होंने खुले मंच से अफसरों को चेतावनी दे डाली। फेफना क्षेत्र में हुए रेलवे कार्यक्रम में मुख्य अतिथि न बनाए जाने पर सांसद ने तीखा हमला बोलते हुए कहा— “अधिकारी अगर काम नहीं करेंगे तो जूते नहीं खाएंगे क्या? मुझ पर जितने मुकदमे करने हों कर लो, झेलने के लिए तैयार हूं।”
दरअसल, फेफना रेलवे स्टेशन पर दो ट्रेनों के ठहराव को लेकर शुक्रवार को एक कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इस कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के आयुष मंत्री और बलिया के प्रभारी मंत्री दयाशंकर दयालु को मुख्य अतिथि बनाया गया था। हालांकि वह अपरिहार्य कारणों से कार्यक्रम में नहीं पहुंचे। इसके बाद भाजपा के राज्यसभा सांसद नीरज शेखर को मुख्य अतिथि के रूप में मंच पर बैठाया गया।
यहीं से सियासी तूफान खड़ा हो गया। कार्यक्रम में स्थानीय सांसद सनातन पांडेय को न बुलाए जाने से सपा सांसद बुरी तरह नाराज हो गए। अगले ही दिन फेफना क्षेत्र के बघेजी गांव में आयोजित एक कार्यक्रम में उन्होंने सरकार, अफसरशाही और प्रोटोकॉल व्यवस्था पर जमकर हमला बोला।
सनातन पांडेय ने कहा कि देश में यह परंपरा रही है कि केंद्र सरकार की किसी भी परियोजना का मुख्य अतिथि वहां का सांसद होता है, चाहे वह सत्ता पक्ष से हो या विपक्ष से। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार ने जानबूझकर सांसद की अनदेखी कर लोकतांत्रिक मर्यादाओं को तार-तार कर दिया।
भावुक और आक्रोशित अंदाज में सांसद ने कहा—
“मैं बूढ़ा जरूर हो गया हूं, लेकिन मेरे आत्मसम्मान की उम्र आज भी जवान है। मन करता था कि उस कार्यक्रम में जाकर कुर्सी उठाकर फेंक दूं।”
उन्होंने यह भी कहा कि अब लोग उन्हें झगड़ालू प्रवृत्ति का कहने लगे हैं, लेकिन वह इसे जनता के सम्मान की लड़ाई मानते हैं। सांसद के इस बयान के बाद बलिया की राजनीति में भूचाल आ गया है।
रेलवे कार्यक्रम को लेकर उठे इस विवाद ने न सिर्फ प्रोटोकॉल पर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच टकराव को भी और तेज कर दिया है।
अब सवाल यही है—क्या सांसद की अनदेखी सियासी भूल थी या जानबूझकर किया गया अपमान?
माघ मेला प्रयागराज: एडीजी कानून-व्यवस्था व गृह सचिव ने संभाली कमान, सुरक्षा से लेकर भीड़ नियंत्रण तक हर व्यवस्था का लिया जायजा

प्रयागराज। माघ मेला प्रयागराज में स्नान पर्वों के दौरान उमड़ रही भारी भीड़ को देखते हुए शासन-प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है। इसी क्रम में अपर पुलिस महानिदेशक (कानून एवं व्यवस्था) उत्तर प्रदेश अमिताभ यश एवं सचिव (गृह) उत्तर प्रदेश शासन मोहित गुप्ता ने शुक्रवार को मेला क्षेत्र में कैंप कर व्यवस्थाओं का स्थलीय निरीक्षण किया। 17 जनवरी 2026 को दोनों वरिष्ठ अधिकारियों ने माघ मेला क्षेत्र का व्यापक भ्रमण कर सुरक्षा एवं प्रबंधन की गहन समीक्षा की।

निरीक्षण के दौरान एडीजी कानून एवं व्यवस्था और गृह सचिव ने मेला क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था, यातायात प्रबंधन, भीड़ नियंत्रण, महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा, आपदा प्रबंधन तथा पुलिस बल की तैनाती का बारीकी से अवलोकन किया। अधिकारियों ने संगम नोज से बोट के माध्यम से त्रिवेणी संगम घाट, अरैल घाट, झूसी घाट और किला घाट सहित प्रमुख स्नान घाटों का निरीक्षण कर मौके पर मौजूद अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

इसके पश्चात दोनों अधिकारियों ने इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) पहुंचकर सीसीटीवी निगरानी, ड्रोन सर्विलांस, पब्लिक एड्रेस सिस्टम और रियल-टाइम मॉनिटरिंग व्यवस्थाओं की समीक्षा की। साथ ही हनुमान मंदिर, काली सड़क, काली घाट, पांटून पुल, एरावत घाट, टीकर माफी, नागवासुकी और फाफामऊ क्षेत्रों के साथ-साथ मेला क्षेत्र से श्रद्धालुओं की सुरक्षित निकासी के मार्गों का भी निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान एडीजी अमिताभ यश ने स्पष्ट निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुविधा और सुचारु आवागमन शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि निकासी मार्गों को और अधिक सुव्यवस्थित व अवरोधमुक्त रखा जाए, ताकि भीड़ बढ़ने की स्थिति में किसी प्रकार की अफरा-तफरी न हो। साथ ही किसी भी आकस्मिक या आपात स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए पुलिस, प्रशासन और अन्य संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित किया जाए।

महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर भी विशेष जोर दिया गया। अधिकारियों ने महिला हेल्प डेस्क, पिंक बूथ, खोया-पाया केंद्र, साइबर जागरूकता अभियान और सूचना तंत्र को और अधिक मजबूत बनाने के निर्देश दिए। भीड़ नियंत्रण के लिए अतिरिक्त पुलिस बल, जल पुलिस, आरएएफ और ट्रैफिक पुलिस की तैनाती को लेकर भी समीक्षा की गई।

निरीक्षण के दौरान एडीजी कानून एवं व्यवस्था ने ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों से संवाद कर उनका उत्साहवर्धन किया और उन्हें कर्तव्यनिष्ठा, शालीन व्यवहार, संवेदनशीलता और पूर्ण सतर्कता के साथ अपने दायित्वों के निर्वहन के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि माघ मेले की सफलता पुलिस बल की सतर्कता और अनुशासन पर निर्भर करती है।

प्रशासन का कहना है कि माघ मेला प्रयागराज में आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा सुनिश्चित करने के लिए बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है और हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह तैयार है।

*विपक्ष के कारनामे गलत,इसीलिए जनता सिखा रही सबक - विजय रघुवंशी*
जनता ने विकसित भारत के पक्ष में किया मतदान - सुशील त्रिपाठी*

एशिया की सबसे अमीर नगर निगम में बैठेगा भाजपा का मेयर - सुशील त्रिपाठी* 

महाराष्ट्र नगर निगम में मिली शानदार जीत पर कार्यकर्ताओं ने मनाया जश्न* सुलतानपुर,महाराष्ट्र की जनता ने भाजपा गठबंधन के सुशासन एवं विकसित भारत के एजेंडे के पक्ष में मतदान किया है।महाराष्ट्र में मुंबई नगर महापालिका के साथ महाराष्ट्र की अन्य महानगरपालिकाओं के चुनाव में 29 में से 25 निगमों में हुई जीत पर शनिवार को भाजपा जिला कार्यालय पर कार्यकर्ताओं ने जश्न मनाया।भाजपा जिंदाबाद और जीत गए, हम जीत गए, मुम्बई महापालिका जीत गए के नारे लगाए।इस मौके पर भाजपा जिलाध्यक्ष सुशील त्रिपाठी ने महाराष्ट्र की शानदार जीत पर जनता का आभार जताया।कहा बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के ऐतिहासिक चुनाव नतीजों ने महाराष्ट्र की राजनीति में एक नए युग की शुरुआत कर दी है।अब एशिया के सबसे अमीर नगर निगम में तीन दशकों के इंतजार के बाद भाजपा का मेयर बैठेगा।अब महाराष्ट्र के 29 में से 25 नगर निगमों में भाजपा का मेयर होगा। उन्होंने कहा जनता ने विकसित भारत के पक्ष में मतदान किया है।नकरात्मक राजनीती करने वालों की हार हुई है।महाराष्ट्र नगर निगम चुनाव में मिली ऐतिहासिक जीत पर पार्टी मीडिया प्रमुख विजय रघुवंशी ने कहा देश सही दिशा में जा रहा है।विपक्ष के कारनामे गलत है इसीलिए जनता उनको हर चुनाव में सबक सिखा रही हैं।इस मौके पर जिला उपाध्यक्ष डॉ प्रीति प्रकाश,आशीष सिंह रानू, काली सहाय पाठक,वीरेंद्र भार्गव, सोहनलाल निषाद, मनोज श्रीवास्तव,राम अभिलाष सिंह, सुनील विश्वकर्मा,अतुल सिंह, सतीश सिंह,विनय कुमार सिंह, पूर्व प्रधान दया राम यादव,शिव पूजन निषाद, शिवप्रताप कोरी, पवन मिश्रा,अशोक वर्मा, विनोद मिश्रा आदि मौजूद रहे।