कांस्टेबल अमित कुमार के सराहनीय प्रयास से 104 वर्षीय बुजुर्ग संत परिजनों से मिले, सोशल मीडिया बना सहारा
गोण्डा। करनैलगंज रेलवे स्टेशन परिसर में भटके मिले 104 वर्षीय बुजुर्ग संत को कांस्टेबल अमित कुमार के सराहनीय प्रयास से आखिरकार उनके परिजनों तक सकुशल पहुंचा दिया गया। बुजुर्ग का नाम सूर्यबली बताया गया है, जो कमलापुर जनपद सीतापुर के निवासी हैं। उनके पौत्र कमलेश कुमार रविवार को करनैलगंज पहुंचकर उन्हें अपने साथ घर ले गए। बताया गया कि सूर्यबली बाबा करीब पांच दिन पहले लखनऊ के चौक स्थित मंदिर से घर जाने के लिए ट्रेन पर बैठे थे, लेकिन रास्ता भटक जाने के कारण करनैलगंज पहुंच गए। तीन दिन पहले वह करनैलगंज रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-1 के ट्रैक किनारे असहाय अवस्था में पड़े मिले। सुबह टहलने निकले थाना कोतवाली करनैलगंज में तैनात कांस्टेबल अमित कुमार की नजर बुजुर्ग पर पड़ी। उन्होंने तत्काल उनसे पूछताछ की और मानवीय संवेदनाओं का परिचय देते हुए उनकी मदद शुरू की। इसके बाद बाबा का वीडियो सोशल मीडिया पर साझा किया गया, जिसके माध्यम से उनके परिजनों तक सूचना पहुंची।
कांस्टेबल अमित कुमार ने बताया कि परिजनों से लगातार संपर्क बनाए रखा गया और बुजुर्ग को सुरक्षित रखा गया। उन्हें वस्त्र पहनाकर उचित सेवा-संभाल भी दी गई। अंततः रविवार को उनके पौत्र कमलेश कुमार करनैलगंज पहुंचे और आवश्यक पुष्टि के बाद बाबा को अपने साथ घर ले गए। स्थानीय लोगों ने कांस्टेबल अमित कुमार की इस सराहनीय पहल की प्रशंसा की। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते ध्यान न दिया जाता तो ट्रैक किनारे पड़े बुजुर्ग के साथ कोई बड़ा हादसा हो सकता था। इस अवसर पर अमित कुमार ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि सभी को अपने परिवार के वृद्धजनों की सेवा करनी चाहिए तथा जरूरतमंदों की मदद के लिए आगे आना चाहिए, ताकि कोई भी बुजुर्ग इस प्रकार भटकने को मजबूर न हो।
टीईटी अनिवार्यता के खिलाफ बलिया से बजी संघर्ष की मशाल, अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ ने निकाला विशाल मशाल जुलूस
संजीव सिंह बलिया!अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ (A.I.J.T.F.) के केन्द्रीय एवं प्रदेश नेतृत्व के निर्देश पर टीईटी अनिवार्यता के विरोध में चल रहे आंदोलन के द्वितीय चरण के तहत जनपद बलिया में विशाल मशाल जुलूस निकालकर जोरदार विरोध दर्ज किया गया। मशाल जुलूस रेलवे स्टेशन बलिया के उत्तरी छोर से टाउन चौराहे तक निकाला गया, जिसके माध्यम से शिक्षकों एवं कर्मचारी संगठनों ने सरकार को कड़ा संदेश देते हुए टेट अनिवार्यता वापस लेने की पुरजोर मांग की।जुलूस में शामिल सैकड़ों शिक्षक एवं कर्मचारी प्रतिनिधियों ने संयुक्त रूप से कहा कि यह संघर्ष केवल शिक्षकों का नहीं, बल्कि शिक्षा व्यवस्था और समाज के अस्तित्व की लड़ाई है, जिसे हम सब मिलकर हर मोर्चे पर लড়ने के लिए संकल्पबद्ध हैं। सभी ने संकल्प लिया कि इस आंदोलन को सड़क से लेकर संसद तक व्यापक रूप से जारी रखा जाएगा। प्रतिनिधियों ने कहा कि आरटीई एक्ट लागू होने से पूर्व नियुक्त एवं टेट से छूट प्राप्त शिक्षकों पर माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा 01/09/25 को टीईटी अनिवार्यता थोपने का आदेश, पूर्व से स्थापित शिक्षक भर्ती नियमों एवं परंपरा के प्रतिकूल है। इस आदेश पर सरकार की चुप्पी के कारण वर्ष 2011 से पूर्व नियुक्त देश के लाखों शिक्षकों, उनके परिवारों तथा नौनिहालों के भविष्य पर गंभीर संकट उत्पन्न हो गया है। प्रतिनिधियों ने मांग की कि सरकार त्वरित प्रभाव से आवश्यक पहल करते हुए इस ‘तुगलकी’ आदेश को निरस्त कराने की दिशा में ठोस और सार्थक कदम उठाए।कार्यक्रम के दौरान सभी शिक्षक एवं कर्मचारी नेताओं ने जनपद बलिया से अनवरत संघर्ष जारी रखने का संकल्प दोहराया और टीईटी अनिवार्यता के खिलाफ राष्ट्रीय स्तर पर चल रहे आंदोलन को मजबूत बनाने का संकल्प लिया।इस अवसर पर अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ, जनपद बलिया से प्रमुख रूप से समीर कुमार पाण्डेय (अटेवा), अजय कुमार सिंह (प्राथमिक शिक्षक संघ), विनय राय (अटेवा), सतीश सिंह (TSCT), घनश्याम चौबे (विशिष्ट बीटीसी), राजेश सिंह (RSM), राजेश पाण्डेय (राज्य कर्मचारी संघ), अविनाश उपाध्याय (श्रमिक समन्वय समिति), सुशील त्रिपाठी (विकास भवन संघ), संजीव कुमार सिंह (मीडिया प्रभारी), रामनाथ पासवान, शशिकांत तिवारी (मंत्री रेलवे संघ), कमलाकर पाण्डेय (सिंचाई), दूधनाथ सिंह (आयुर्वेद), अभिषेक राय, राकेश कुमार मौर्य (महामंत्री अटेवा), मलय पाण्डेय (महामंत्री राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद), संजय पाण्डेय, राजीव कुमार गुप्ता, लाल साहब यादव (अध्यक्ष एकजुट), रेनु शर्मा (अध्यक्ष रसोइया संघ), विमला भारती (मंत्री), पंकज सिंह, गणेश सिंह, कुलभूषण त्रिपाठी,ज्ञान प्रकाश उपाध्याय, राज कुमार गुप्ता (एकजुट), अशोक राम (अध्यक्ष, रेलवे संघ), श्याम नारायण सिंह (L.A. संघ), धनंजय चौबे (XRAY संघ), वीरेंद्र सिंह, राकेश सिंह, विनय विशेन, अजीत सिंह, राजेश सिंह, हरेराम सिंह, नित्यानंद पाण्डेय, अंजू देवी, N.K. सिंह, राजीव नयन पाण्डेय, ओमकार पाण्डेय, नागेन्द्र श्रीवास्तव, प्रमोद कुमार सिंह (अध्यक्ष चतुर्थ श्रेणी संघ), मनोज राय (अध्यक्ष LT), शंभू यादव (मंत्री), सुरेश वर्मा, कर्ण प्रताप सिंह, रितेश श्रीवास्तव, सत्य नारायण वर्मा, सुनील गुप्ता, नंदलाल मौर्य, संजय खरवार, रामाशीष यादव, पुष्पेंद्र सिंह, ओमकार सिंह, अजीत पाठक, जुबेर अहमद, राम नारायण, सुनील गुप्ता (ARP), राम प्रकाश सिंह, कृष्ण नंद पाण्डेय, चंदन सिंह, निर्भय सिंह, धर्मेन्द्र गुप्ता सहित बड़ी संख्या में शिक्षक एवं कर्मचारी साथी उपस्थित रहे।
ीडिया टीम – अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ (A.I.J.T.F.), बलिया
महामानव थे डॉ अंबेडकर- प्रोफेसर बलकेश्वर

डॉ अंबेडकर के चिंतन का मूल समतामूलक समाज की स्थापना - प्रोफेसर सत्यकाम

जयंती की पूर्व संध्या पर मुक्त विश्वविद्यालय में डॉ अंबेडकर की स्मृति में वेबीनार का आयोजन

प्रयागराज । उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय, प्रयागराज में डॉ अंबेडकर जयंती की पूर्व संध्या पर भारतीय लोकतंत्र के निर्माण में डॉ भीमराव अंबेडकर की भूमिका विषय पर एक वेबीनार का आयोजन किया गया। इस अवसर पर कुलपति प्रोफेसर सत्यकाम एवं विश्वविद्यालय परिवार के सदस्यों ने डॉ अंबेडकर के चित्र पर पुष्पांजलि के साथ उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।

वेबीनार के मुख्य वक्ता प्रोफेसर बलकेश्वर, इतिहास विभाग, काशी नरेश स्नातकोत्तर महाविद्यालय, ज्ञानपुर, भदोही ने कहा कि डॉ अंबेडकर ने अपना पूरा जीवन मानव विकास के लिए समर्पित कर दिया। डॉ अंबेडकर मानव नहीं महा मानव थे। डॉ अंबेडकर विषमता और गैर बराबरी मिटाने के लिए जीवन भर संघर्ष करते रहे। डॉ अंबेडकर को सिंबल ऑफ नॉलेज कहा जाता है। डॉ अंबेडकर की विचारों की प्रासंगिकता आज समीचीन है ।

अध्यक्षता करते हुए मुक्त विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर सत्यकाम ने कहा कि डॉ अंबेडकर के चिंतन का मूल समता मूलक समाज की स्थापना करना था। उन्होंने सभी को शिक्षित करने की दिशा में जागरूकता फैलाई। शिक्षा से ही जाति विहीन समाज की संकल्पना साकार की जा सकती है। प्रोफेसर सत्य कम ने कहा कि डॉ भीमराव अंबेडकर के विचार हमारे रग रग में समाये हैं।

समाज विज्ञान विद्या शाखा के निदेशक प्रोफेसर एस कुमार ने विशिष्ट जनों का वाचिक स्वागत प्रस्तुत किया । आयोजन सचिव डॉ सुनील कुमार ने संचालन तथा कुलसचिव कर्नल विनय कुमार ने धन्यवाद ज्ञापित किया। उक्त जानकारी डॉ प्रभात चंद्र मिश्र जनसंपर्क अधिकारी ने दी।

जलियांवाला बाग नरसंहार के शहीदों की याद में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन

जौनपुर। काकोरी-ऐक्शन शताब्दी वर्ष आयोजन समिति जौनपुर के तत्वाधान में आज दिनांक 13 अप्रैल 2026 को श्री आर. पी कालेज ऑफ फार्मेसी खजुरन बदलापुर जौनपुर के सभागार में जलियांवाला बाग नरसंहार के शहीदों की याद में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता  कृष्णचंद्र शुक्ल व संचालन- दिलीप कुमार ने किया। कार्यक्रम को काकोरी-ऐक्शन शताब्दी वर्ष आयोजन समिति के जिला सचिव प्रमोद कुमार शुक्ल व मिथिलेश कुमार मौर्य ने सम्बोधित किए। वक्ताओं ने कहा कि, 13 अप्रैल 1919 को अमृतसर के जलियांवाला बाग में बैसाखी के दिन जनरल डायर ने निहत्थे लोगों पर अंधाधुंध गोलियां चलवाईं। रॉलेट एक्ट के विरोध में जुटे हज़ारों लोगों में से सैंकड़ों (आधिकारिक 379, अनौपचारिक 1000+) मारे गए। इस नरसंहार के विरोध में रवींद्रनाथ टैगोर ने अपनी ‘नाइटहुड’ उपाधि लौटा दी थी। दूसरी तरफ यह घटना भारतीय क्रांतिकारी युवाओं के लिए असहनीय थी। आत्मसम्मान पर भी गहरी चोट पहुंची। जिससे ब्रिटिश हुकूमत के खिलाफ देश के भीतर और देश के बाहर आजादी की ज्वाला धधक उठी। नौजवानों के दिल में आग ऐसी लगी कि क्रूर ब्रिटिश हुकूमत कांप उठी और उसे हिंदुस्तान को छोड़कर जाना पड़ा। क्रांतिकारी ऊधम सिंह जलियांवाला बाग नरसंहार के दौरान मौजूद थे। नरसंहार की घटना का मुख्य जिम्मेदार तत्कालीन गवर्नर जनरल माइकल ओ डायर को उधम सिंह ने 21 साल 1940 में इंग्लैंड जाकर भरी सभा में गोली मारा था। इस तरह उधमसिंह ने जलियाँवाला बाग नरसंहार का बदला लिया।अमृतसर में होने वाली जनसभाओं और जलियांवाला बाग हत्याकांड की घटना के प्रत्यक्ष गवाह पंजाबी कवि नानक सिंह ने लिखा है कि उस दौर में ऐसी एकता थी कि हिन्दू, मुसलमान, सिख एक ही गिलास पानी पी रहे थे और एक ही थाली में खाना खा रहे थे। वह इस नरसंहार के बाद, अंतिम संस्कार के जुलूसों का वर्णन करते हुए लिखते हैं कि कैसे हिंदू, मुस्लिम और सिख कंधे से कंधा मिलाकर चल रहे थे। उन्होंने अपनी कविता ‘खूनी वैसाखी’ में उल्लेख किया है कि कैसे हिंदू, मुस्लिम और सिख एक साथ मिलकर एक ही त्योहार मना रहे थे-
“पंच वजे अप्रैल दी तेहरवीं नूं,
लोकीं बाग़ वल होए रवान चले।
दिलां विच इनसाफ़ दी आस रख के,
सारे सिख हिन्दू मुसलमान चले।
विरले आदमी शहिर विच रहे बाकी, सब बाल ते बिरध जवान चले।“वे बताते हैं कि हिन्दू, सिख मुसलमान सब एक ही साथ मिलकर त्यौहार मना रहे थे। इस तहजीब को खत्म करने की कोशिश शोषकवर्ग तब भी कर रहा था और आज भी। दरअसल 1947 में बोतल बदली थी शराब तो अब भी वही है। बोतल बदलने से जनता में जो भ्रम पैदा हुआ था वह धीरे-धीरे टूट रहा है। लोग धीरे-धीरे महसूस कर रहे हैं कि अंग्रेजों के वारिश सत्ता में आज तक बने हुए हैं, इसीलिए इनके खिलाफ लड़ाई अभी जारी है। अतः जलियाँवाला बाग नरसंहार जैसे खतरे आज भी बने हुए हैं। 13 अप्रैल जलियांवाला बाग नरसंहार में हुये सभी शहीदों को और आजादी आन्दोलन में अपने को कुर्बान कर देने वाले जाने-अनजाने जितने भी क्रातिकारी शहीद हुए हैं। सभी को क्रांतिकारियों को श्रद्धांजलि देते हुए संकल्प लेते हैं कि आज जन विरोधी काले कानूनों के खिलाफ आंदोलन तेज करें। इस अवसर पर अरविंद सिंह, संतोष कुमार प्रजापति, विशाल गौतम, शेषना श्रीवास्तव, इदरीश अहमद, अरविंद गुप्ता, आजाद, संजय सिंह, शोभावती सहित अन्य कई लोग मौजूद रहे।
मीट व्यवसायी के घर में लाखों की चोरी

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज, एक रात में चोरों ने तीन घरों में चोरी की घटना को दिया अंजाम क्षेत्र में हड़कंप थरवई, प्रयागराज।थाना क्षेत्र के पान की पुलिया और पड़िला गांव में दो घरों में हुई चोरी में चोरों ने नगदी सहित लाखों का माल चुरा लें गए। पुलिस ने कई संदिग्ध युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। पान की पुलिया के मीट व्यवसायी मोहन भारतीया के मकान पर पीछे से चढ़े बदमाशों ने दूसरे तल पर बने कमरे में दाखिल होकर अंदर रखी आलमारी का ताला तोड़कर उसमे रखा चांदी और सोने के जेवरात और दस हजार नगदी सहित लाखों का माल उठा लें गए। इसी तरह पड़िला गांव के पूर्व लेखपाल गुरु प्रसाद के कमरे का ताला तोड़कर कई बोरी सरसों उठा लें गए। पड़िला गांव के ही कमल नारायण शर्मा का शटर का ताला तोड़ रहे थें। आसपास के लोगों के जग जाने से बदमाश भाग गए। घटना की जानकारी पाकर मौक़े पर पहुंची पुलिस ने घटना की जाँच की। पुलिस ने कई संदिग्ध युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। थरवई पुलिस का कहना है की तहरीर मिली है कुछ संदिग्ध युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।

पुलिस ने आभूषण लुटकांड का चौथा आरोपी कार सहित किया गिरफ्तार
रितेश मिश्रा
हरदोई।सवायजपुर थाना छेत्र निवासी बाइक सवार युवकों से ज़ेवर और फोन लूटने के मामले में पुलिस ने चौथे आरोपी को घटना में प्रयुक्त कार के साथ गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।पुलिस तीन आरोपियों को पूर्व में गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।प्राप्त विवरण में 3 अप्रैल को राजवीर पुत्र श्री गोवर्धन निवासी ग्राम ऊंचागांव थाना हरपालपुर द्वारा तहरीर दी गई कि वह अपने भाई सोमपाल पुत्र गोवर्धन निवासी ऊंचा गांव थाना हरपालपुर व अपने साथी सुंदरम पुत्र संतराम सिंह निवासी ग्राम श्यामपुर पंजा थाना हरपालपुर तीनों व्यक्ति एक ही मोटरसाइकिल से आभूषण गिरवी रखने हेतु शाहाबाद जा रहे थे। रास्ते में गंगा एक्सप्रेसवे सर्विस लेन, सैदापुर गांव के सामने एक मोटरसाइकिल पर सवार चार अज्ञात व्यक्तियों द्वारा इन्हें रोककर आभूषण व तीनों के मोबाइल फोन लूट लिए गए। इस सम्बन्ध में वादी राजवीर उपरोक्त की तहरीर के आधार पर थाना सवायजपुर पर अज्ञात आरोपियों के विरुद्ध अभियोग पंजीकृत किया गया।
      पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार मीणा द्वारा टीम गठित कर घटना के शीघ्र एवं सफल अनावरण हेतु आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए थे।
        थाना सवायजपुर के प्रभारी प्रिंस कुमार और पुलिस बल द्वारा उपरोक्त अभियोग से संबंधित वांछित कुलदीप पुत्र इच्छाराम निवासी ग्राम कामीपुर थाना शाहाबाद को एक कार (घटना में प्रयुक्त) सहित गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया।6 अप्रैल को सुंदरम पुत्र जगदेव निवासी ग्राम श्यामपुर बंजर थाना हरपालपुर, सत्यम उर्फ जयेन्द्र प्रताप सिंह पुत्र श्यामू सिंह निवासी ग्राम हैदरपुर थाना शाहाबाद,पंकज पुत्र रामलक्ष्मण निवासी ग्राम श्यामपुर बंजर थाना हरपालपुर को 01 मोबाइल फोन, 2500 रुपये नगदी व घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल सहित गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया जा चुका है।
रामराज में श्री नगली धाम आश्रम पर भव्य भजन-कीर्तन एवं भंडारे का आयोजन
मोनू भाटी। मेरठ ,बहसूमा। क्षेत्र के रामराज में प्रसिद्ध धार्मिक स्थल श्री नगली धाम आश्रम में रविवार को भव्य भजन-कीर्तन एवं विशाल भंडारे का वार्षिक आयोजन बड़े श्रद्धा और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम में दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और भक्ति रस में सराबोर हो गए।
आश्रम परिसर को आकर्षक ढंग से सजाया गया था। सुबह से ही श्रद्धालुओं का आगमन शुरू हो गया था। कार्यक्रम की शुरुआत विधिवत पूजा-अर्चना के साथ हुई, जिसके बाद भजन-कीर्तन का आयोजन किया गया। भजन गायकों ने एक से बढ़कर एक भक्तिमय प्रस्तुतियां दीं, जिन पर श्रद्धालु झूम उठे और पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।
रात में विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। भंडारे की व्यवस्था आश्रम समिति एवं स्थानीय सहयोगियों द्वारा सुचारू रूप से की गई, जिसकी सभी ने सराहना की।
आश्रम के संत राघवा महाराज ने बताया कि यह वार्षिक आयोजन हर वर्ष श्रद्धा और सेवा भाव के साथ किया जाता है, जिसका उद्देश्य समाज में धार्मिक भावना और आपसी भाईचारा बढ़ाना है।
कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा एवं व्यवस्था को लेकर भी विशेष ध्यान रखा गया, जिससे आयोजन शांतिपूर्ण और सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।इस मौके पर कार्तिक मक्कड़, सुरेंद्र छाबड़ा,नींव नारंग,मंजू खेड़ा, अशोक खेड़ा, प्रमोद गर्ग, प्रवीण उपाध्याय, एडवोकेट शुभम अरोड़ा, विपेन्द्र सुधा वाल्मीकि रोहित बंसल जिला अध्यक्ष भाजपा, विपिन मनचंदा व्यापार मंडल अध्यक्ष रामराज, सलोनी प्रजापति, आचल ठाकुर, ज्योति ग्रोवर, शालू दुआ, रानी मक्कड़, विनीता छाबड़ा, रीता छाबड़ा वीणा छाबड़ा, सारिका छाबड़ा, बबीता फुटेला, सुनीता नारंग, सुनीता उपाध्याय, सुनीता ग्रोवर, राखी राणा,अनीता फुटेला,नेहा टुटेजा,शांति बटला, सुदेश गुंबर, आशा मल्होत्रा स्वामी मल्होत्रा सविता बटला, बिल्लू ग्रोवर सोनू तनेजा, मोंटू तनेजा, अमित दुआ, अमन छाबड़ा, अरविंद छाबड़ा, राजकुमार छाबड़ा, दीपक छाबड़ा, आकाश उपाध्याय, विक्की उपाध्याय, रामदत्त उपाध्याय, राजेंद्र गुंबर, मुकेश खेड़ा, विपिन मनचंदा, विजय फुटेला, विजय चुग, सतीश बटला, नितिन मल्होत्रा, काका मल्होत्रा, विनोद बटला, प्रदीप बटला इत्यादि लोग मौजूद रहे।
जबरदस्ती लगाए गए स्मार्ट मीटर, अब एडवांस जमा करने की नीति गलत, उपभोक्ता परेशान, नहीं सुन रहे जनप्रतिनिधि
फर्रुखाबाद l जनपद में विद्युत विभाग के द्वारा जबरदस्ती स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं l इन मीटर के द्वारा लगातार आम जनता के ऊपर पढ़ रहे आर्थिक बोझ को लेकर एक बैठक शहर के पटेल पार्क में की गई,बैठक में स्मार्ट मीटर से पीड़ित लोगों ने आकर अपने साथ हो रही लूट के बारे में बताया स्मार्ट मीटर लगने के बाद किस प्रकार से हम लोगों के द्वारा मीटर में डाले गए पैसे काटे जा रहे हैं रात में लाइट बंद कर दी जाती है और हर व्यक्ति समय बहुत परेशान है l बैठक को संबोधित करते हुए फर्रुखाबाद विकास मंच के जिला अध्यक्ष भईयन मिश्रा ने कहा कि कब तक जनता अपना शोषण कराती रहेगी तब तक उसका शोषण होता रहेगा शहर में हजारों विद्युत उपभोक्ता है और उन सबने बिना विरोध किए हुए स्मार्ट मीटर अपने-अपने घरों में लगवा लिए जबकि स्मार्ट मीटर तभी लगने के आदेश थे जब गृह स्वामी अपनी सहमति दे पर किसी ने चू नहीं की आज लोग परेशान है सांसद विधायक एवं अन्य राजनीतिक दल किसी भी प्रकार से जनता की आवाज उठाने के लिए तैयार नहीं है उन्होंने जनता का आवाहन करते हुए कहा कि आपकी लड़ाई तभी सफल होगी जब आप लोग ईमानदारी से अपनी हक की लड़ाई लड़ेंगे क्योंकि वर्तमान में कोई भी जनप्रतिनिधि का नेता आपके साथ खड़ा होने को तैयार नहीं है मैं आप लोगों के साथ हूं और स्तर से हूं आपके साथ यह लड़ाई जरूर जीती जाएगी बैठक में उन्होंने घोषणा की बहुत जल्द वार्ड स्तर पर कैंप लगाकर स्मार्ट मीटर से हो रही परेशानियों के बारे में जनता से संवाद किया जाएगा और उसके बाद इस समस्या को हल करने के लिए अधिकारियों से वार्ता की जाएगी जनता को किसी भी हालत में परेशानी में नहीं डाला जाएगा और हर स्तर पर संघर्ष किया जाएगा । बैठक में प्रमुख रूप से जितेंद्र मिश्रा अंगद पांडे प्रिंस शुक्ला निशु दुबे अतुल गुप्ता सनी बाथम अनिल कश्यप बाबू अग्निहोत्री श्यामेंद्र दुबे नीरज संजीव भरथरिया प्रकाश सक्सेना सुरेश कश्यप शाहरुख खान प्रदीप तिवारी आलोक मिश्रा अमन जैन कुलदीप दीक्षित अजय मिश्रा रितेश पांडे दिनेश राजपूत आचार्य अमरेश तिवारी सतीश दीक्षित मुकेश बाथम राजेश दिवाकर राजू खान लवी सक्सेना शाहिद बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे बैठक का संचालन अंतर्राष्ट्रीय हिंदू परिषद के जिले के प्रमुख महामंत्री अंगद पांडे उर्फ  कोमल ने किया
प्रयागराज में वारदात, घर के बरामदे में सो रही वृद्धा की गला दबाकर हत्या; शरीर से आभूषण लूट ले गए बदमाश

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज, जिले के यमुनापार इलाके में बड़ी वारदात हुई। मांडा थाना क्षेत्र के दिघिया चौकी अंतर्गत बरहा कला के बबुरा निवासिनी 65 वर्षीय कस्तूरा देवी पत्नी स्वर्गीय उमा शंकर बिंद की शनिवार देर रात गला दबाकर हत्या कर दी गई। वारदात उस समय हुई जब वह घर के बाहर सो रही थीं। उनके शरीर से आभूषण भी गायब हैं। घरवालों ने आभूषण की लूट के लिए वृद्धा की हत्या की आशंका जताई है। मांडा पुलिस के साथ ही फोरेंसिक टीम ने जांच-पड़ताल की।

16 वर्षीय नातिन संग रहती थीं 75 वर्षीय कस्तूरा देवी

बबुरा गांव निवासी उमा शंकर बिंद रेलवे कर्मी थे। उनकी दो पुत्रियां ऊषा व रेनू हैं, जिनकी शादी हो चुकी है। करीब पांच वर्ष पूर्व उमा शंकर सेवानिवृत्त हुए। 10 माह पहले उनकी मौत हो गई थी। घर पर अकेले उनकी पत्नी कस्तूरा रहती थीं। अकेले होने की वजह से उन्होंने अपनी 16 वर्षीया नातिन राधा को अपने पास बुला लिया था।

सुबह नानी को उठाने गई तो शरीर में हरकत नहीं दिखी

शनिवार रात खाना खाने के बाद राधा कमरे में सोने चली गई, जबकि कस्तूरा घर के बाहर बरामदे में जाकर सो गईं। रविवार सुबह राधा सोकर उठी तो देखा कि नानी अभी सो रही हैं। उसने नानी को जगाने की कोशिश की, लेकिन कोई हरकत नहीं हुई। वह चीखने-चिल्लाने लगी। आसपास के लोगों की भीड़ जुट गई। ग्रामीणों ने देखा तो कस्तूरी की मौत हो चुकी थी। गले पर निशान था।

कस्तूरा के पहने गए आभूषण गायब थे

राधा ने बताया कि नानी ने जो आभूषण पहने थे, वह गायब हैं। कुछ ही देर में मांडा पुलिस घटनास्थल पर पहुंची। एसीपी मेजा संत प्रकाश उपाध्याय और फोरेंसिक टीम ने भी जांच पड़ताल की। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया गया। मांडा पुलिस का कहना है कि घरवालों ने हत्या की बात कही है, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही यह साफ होगा कि मामला हत्या का है या नहीं। हालांकि, जांच पड़ताल की जा रही है।

प्रेरणा पोर्टल पर 36 हजार बच्चों का प्रोन्नति सत्यापन लंबित
*भदोही ब्लॉक में सबसे ज्यादा 10 हजार और अभोली में सबसे कम 2200 बच्चों का नहीं हुआ सत्यापन*


नितेश श्रीवास्तव

भदोही । जिले के परिषदीय विद्यालयों में खंड शिक्षा अधिकारियों और शिक्षकों की उदासीनता से 36 हजार 301 बच्चों का प्रोन्नति सत्यापन लंबित है। अभी तक प्रेरणा पोर्टल पर बच्चों का डाटा अपलोड नहीं हो सका है। इससे पास आउट हो चुके बच्चों को अगली कक्षाओं में प्रवेश लेने में मुश्किल आ रही है। बेसिक शिक्षा अधिकारी ने छह बीइओ के साथ सभी शिक्षकों को दो दिन में काम को पूरा कराने के निर्देश दिए हैं। लापरवाही बरतने पर वेतन रोकने की चेतावनी दी गई है। जिले में 885 प्राथमिक, पूर्व माध्यमिक और कंपोजिट विद्यालय संचालित हैं। इसमें एक लाख 11 हजार 19 बच्चे अभी तक पंजीकृत हैं। एक अप्रैल से नया शिक्षा सत्र शुरू हो गया है। पहली से लेकर आठवीं तक के बच्चे अगली कक्षाओं में प्रोन्नत हो गए हैं। अब उनका प्रोन्नति सत्यापन करके प्रेरणा पोर्टल पर अपलोड करना है, लेकिन शिक्षकों की उदासीनता के कारण एक लाख 11 हजार बच्चों में से 36 हजार का सत्यापन पूर्ण नहीं हो सका है। इससे इन बच्चों का डाटा प्रेरणा पोर्टल पर अपलोड नहीं हो सका है। इसको लेकर अभिभावक परेशान हैं। भदोही में सबसे अधिक 10 हजार से अधिक और अभोली में सबसे कम करीब 2200 बच्चों का सत्यापन लंबित है। बच्चों की अधिक संख्या में सत्यापन नहीं होने से प्रदेश स्तर पर जिले की रैकिंग भी खराब हो गई है। इसको लेकर बीएसए ने सभी शिक्षकों को दो दिन में लंबित सत्यापन को पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। बीएसए शिवम पांडेय ने कहा कि दो दिन के अंदर सभी सत्यापन पूर्ण करने के निर्देश दिए गए हैं। ऐसा न करने पर वेतन रोकने की कार्रवाई की जाएगी।



जिले में ब्लॉक वार स्थिति
ब्लॉक कुल बच्चे हटाए गए बच्चे शिक्षक स्तर पर लंबित
अभोली 10194 134 2270
औराई 26153 423 4852
भदोही 22278 246 10871
डीघ 19327 306 3817
ज्ञानपुर 19465 341 7435
भदोही नगर 2254 22 989
सुरियावां 11348 135 6067
कुल 111019 1607 36301
कांस्टेबल अमित कुमार के सराहनीय प्रयास से 104 वर्षीय बुजुर्ग संत परिजनों से मिले, सोशल मीडिया बना सहारा
गोण्डा। करनैलगंज रेलवे स्टेशन परिसर में भटके मिले 104 वर्षीय बुजुर्ग संत को कांस्टेबल अमित कुमार के सराहनीय प्रयास से आखिरकार उनके परिजनों तक सकुशल पहुंचा दिया गया। बुजुर्ग का नाम सूर्यबली बताया गया है, जो कमलापुर जनपद सीतापुर के निवासी हैं। उनके पौत्र कमलेश कुमार रविवार को करनैलगंज पहुंचकर उन्हें अपने साथ घर ले गए। बताया गया कि सूर्यबली बाबा करीब पांच दिन पहले लखनऊ के चौक स्थित मंदिर से घर जाने के लिए ट्रेन पर बैठे थे, लेकिन रास्ता भटक जाने के कारण करनैलगंज पहुंच गए। तीन दिन पहले वह करनैलगंज रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-1 के ट्रैक किनारे असहाय अवस्था में पड़े मिले। सुबह टहलने निकले थाना कोतवाली करनैलगंज में तैनात कांस्टेबल अमित कुमार की नजर बुजुर्ग पर पड़ी। उन्होंने तत्काल उनसे पूछताछ की और मानवीय संवेदनाओं का परिचय देते हुए उनकी मदद शुरू की। इसके बाद बाबा का वीडियो सोशल मीडिया पर साझा किया गया, जिसके माध्यम से उनके परिजनों तक सूचना पहुंची।
कांस्टेबल अमित कुमार ने बताया कि परिजनों से लगातार संपर्क बनाए रखा गया और बुजुर्ग को सुरक्षित रखा गया। उन्हें वस्त्र पहनाकर उचित सेवा-संभाल भी दी गई। अंततः रविवार को उनके पौत्र कमलेश कुमार करनैलगंज पहुंचे और आवश्यक पुष्टि के बाद बाबा को अपने साथ घर ले गए। स्थानीय लोगों ने कांस्टेबल अमित कुमार की इस सराहनीय पहल की प्रशंसा की। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते ध्यान न दिया जाता तो ट्रैक किनारे पड़े बुजुर्ग के साथ कोई बड़ा हादसा हो सकता था। इस अवसर पर अमित कुमार ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि सभी को अपने परिवार के वृद्धजनों की सेवा करनी चाहिए तथा जरूरतमंदों की मदद के लिए आगे आना चाहिए, ताकि कोई भी बुजुर्ग इस प्रकार भटकने को मजबूर न हो।
टीईटी अनिवार्यता के खिलाफ बलिया से बजी संघर्ष की मशाल, अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ ने निकाला विशाल मशाल जुलूस
संजीव सिंह बलिया!अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ (A.I.J.T.F.) के केन्द्रीय एवं प्रदेश नेतृत्व के निर्देश पर टीईटी अनिवार्यता के विरोध में चल रहे आंदोलन के द्वितीय चरण के तहत जनपद बलिया में विशाल मशाल जुलूस निकालकर जोरदार विरोध दर्ज किया गया। मशाल जुलूस रेलवे स्टेशन बलिया के उत्तरी छोर से टाउन चौराहे तक निकाला गया, जिसके माध्यम से शिक्षकों एवं कर्मचारी संगठनों ने सरकार को कड़ा संदेश देते हुए टेट अनिवार्यता वापस लेने की पुरजोर मांग की।जुलूस में शामिल सैकड़ों शिक्षक एवं कर्मचारी प्रतिनिधियों ने संयुक्त रूप से कहा कि यह संघर्ष केवल शिक्षकों का नहीं, बल्कि शिक्षा व्यवस्था और समाज के अस्तित्व की लड़ाई है, जिसे हम सब मिलकर हर मोर्चे पर लড়ने के लिए संकल्पबद्ध हैं। सभी ने संकल्प लिया कि इस आंदोलन को सड़क से लेकर संसद तक व्यापक रूप से जारी रखा जाएगा। प्रतिनिधियों ने कहा कि आरटीई एक्ट लागू होने से पूर्व नियुक्त एवं टेट से छूट प्राप्त शिक्षकों पर माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा 01/09/25 को टीईटी अनिवार्यता थोपने का आदेश, पूर्व से स्थापित शिक्षक भर्ती नियमों एवं परंपरा के प्रतिकूल है। इस आदेश पर सरकार की चुप्पी के कारण वर्ष 2011 से पूर्व नियुक्त देश के लाखों शिक्षकों, उनके परिवारों तथा नौनिहालों के भविष्य पर गंभीर संकट उत्पन्न हो गया है। प्रतिनिधियों ने मांग की कि सरकार त्वरित प्रभाव से आवश्यक पहल करते हुए इस ‘तुगलकी’ आदेश को निरस्त कराने की दिशा में ठोस और सार्थक कदम उठाए।कार्यक्रम के दौरान सभी शिक्षक एवं कर्मचारी नेताओं ने जनपद बलिया से अनवरत संघर्ष जारी रखने का संकल्प दोहराया और टीईटी अनिवार्यता के खिलाफ राष्ट्रीय स्तर पर चल रहे आंदोलन को मजबूत बनाने का संकल्प लिया।इस अवसर पर अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ, जनपद बलिया से प्रमुख रूप से समीर कुमार पाण्डेय (अटेवा), अजय कुमार सिंह (प्राथमिक शिक्षक संघ), विनय राय (अटेवा), सतीश सिंह (TSCT), घनश्याम चौबे (विशिष्ट बीटीसी), राजेश सिंह (RSM), राजेश पाण्डेय (राज्य कर्मचारी संघ), अविनाश उपाध्याय (श्रमिक समन्वय समिति), सुशील त्रिपाठी (विकास भवन संघ), संजीव कुमार सिंह (मीडिया प्रभारी), रामनाथ पासवान, शशिकांत तिवारी (मंत्री रेलवे संघ), कमलाकर पाण्डेय (सिंचाई), दूधनाथ सिंह (आयुर्वेद), अभिषेक राय, राकेश कुमार मौर्य (महामंत्री अटेवा), मलय पाण्डेय (महामंत्री राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद), संजय पाण्डेय, राजीव कुमार गुप्ता, लाल साहब यादव (अध्यक्ष एकजुट), रेनु शर्मा (अध्यक्ष रसोइया संघ), विमला भारती (मंत्री), पंकज सिंह, गणेश सिंह, कुलभूषण त्रिपाठी,ज्ञान प्रकाश उपाध्याय, राज कुमार गुप्ता (एकजुट), अशोक राम (अध्यक्ष, रेलवे संघ), श्याम नारायण सिंह (L.A. संघ), धनंजय चौबे (XRAY संघ), वीरेंद्र सिंह, राकेश सिंह, विनय विशेन, अजीत सिंह, राजेश सिंह, हरेराम सिंह, नित्यानंद पाण्डेय, अंजू देवी, N.K. सिंह, राजीव नयन पाण्डेय, ओमकार पाण्डेय, नागेन्द्र श्रीवास्तव, प्रमोद कुमार सिंह (अध्यक्ष चतुर्थ श्रेणी संघ), मनोज राय (अध्यक्ष LT), शंभू यादव (मंत्री), सुरेश वर्मा, कर्ण प्रताप सिंह, रितेश श्रीवास्तव, सत्य नारायण वर्मा, सुनील गुप्ता, नंदलाल मौर्य, संजय खरवार, रामाशीष यादव, पुष्पेंद्र सिंह, ओमकार सिंह, अजीत पाठक, जुबेर अहमद, राम नारायण, सुनील गुप्ता (ARP), राम प्रकाश सिंह, कृष्ण नंद पाण्डेय, चंदन सिंह, निर्भय सिंह, धर्मेन्द्र गुप्ता सहित बड़ी संख्या में शिक्षक एवं कर्मचारी साथी उपस्थित रहे।
ीडिया टीम – अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ (A.I.J.T.F.), बलिया
महामानव थे डॉ अंबेडकर- प्रोफेसर बलकेश्वर

डॉ अंबेडकर के चिंतन का मूल समतामूलक समाज की स्थापना - प्रोफेसर सत्यकाम

जयंती की पूर्व संध्या पर मुक्त विश्वविद्यालय में डॉ अंबेडकर की स्मृति में वेबीनार का आयोजन

प्रयागराज । उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय, प्रयागराज में डॉ अंबेडकर जयंती की पूर्व संध्या पर भारतीय लोकतंत्र के निर्माण में डॉ भीमराव अंबेडकर की भूमिका विषय पर एक वेबीनार का आयोजन किया गया। इस अवसर पर कुलपति प्रोफेसर सत्यकाम एवं विश्वविद्यालय परिवार के सदस्यों ने डॉ अंबेडकर के चित्र पर पुष्पांजलि के साथ उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।

वेबीनार के मुख्य वक्ता प्रोफेसर बलकेश्वर, इतिहास विभाग, काशी नरेश स्नातकोत्तर महाविद्यालय, ज्ञानपुर, भदोही ने कहा कि डॉ अंबेडकर ने अपना पूरा जीवन मानव विकास के लिए समर्पित कर दिया। डॉ अंबेडकर मानव नहीं महा मानव थे। डॉ अंबेडकर विषमता और गैर बराबरी मिटाने के लिए जीवन भर संघर्ष करते रहे। डॉ अंबेडकर को सिंबल ऑफ नॉलेज कहा जाता है। डॉ अंबेडकर की विचारों की प्रासंगिकता आज समीचीन है ।

अध्यक्षता करते हुए मुक्त विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर सत्यकाम ने कहा कि डॉ अंबेडकर के चिंतन का मूल समता मूलक समाज की स्थापना करना था। उन्होंने सभी को शिक्षित करने की दिशा में जागरूकता फैलाई। शिक्षा से ही जाति विहीन समाज की संकल्पना साकार की जा सकती है। प्रोफेसर सत्य कम ने कहा कि डॉ भीमराव अंबेडकर के विचार हमारे रग रग में समाये हैं।

समाज विज्ञान विद्या शाखा के निदेशक प्रोफेसर एस कुमार ने विशिष्ट जनों का वाचिक स्वागत प्रस्तुत किया । आयोजन सचिव डॉ सुनील कुमार ने संचालन तथा कुलसचिव कर्नल विनय कुमार ने धन्यवाद ज्ञापित किया। उक्त जानकारी डॉ प्रभात चंद्र मिश्र जनसंपर्क अधिकारी ने दी।

जलियांवाला बाग नरसंहार के शहीदों की याद में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन

जौनपुर। काकोरी-ऐक्शन शताब्दी वर्ष आयोजन समिति जौनपुर के तत्वाधान में आज दिनांक 13 अप्रैल 2026 को श्री आर. पी कालेज ऑफ फार्मेसी खजुरन बदलापुर जौनपुर के सभागार में जलियांवाला बाग नरसंहार के शहीदों की याद में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता  कृष्णचंद्र शुक्ल व संचालन- दिलीप कुमार ने किया। कार्यक्रम को काकोरी-ऐक्शन शताब्दी वर्ष आयोजन समिति के जिला सचिव प्रमोद कुमार शुक्ल व मिथिलेश कुमार मौर्य ने सम्बोधित किए। वक्ताओं ने कहा कि, 13 अप्रैल 1919 को अमृतसर के जलियांवाला बाग में बैसाखी के दिन जनरल डायर ने निहत्थे लोगों पर अंधाधुंध गोलियां चलवाईं। रॉलेट एक्ट के विरोध में जुटे हज़ारों लोगों में से सैंकड़ों (आधिकारिक 379, अनौपचारिक 1000+) मारे गए। इस नरसंहार के विरोध में रवींद्रनाथ टैगोर ने अपनी ‘नाइटहुड’ उपाधि लौटा दी थी। दूसरी तरफ यह घटना भारतीय क्रांतिकारी युवाओं के लिए असहनीय थी। आत्मसम्मान पर भी गहरी चोट पहुंची। जिससे ब्रिटिश हुकूमत के खिलाफ देश के भीतर और देश के बाहर आजादी की ज्वाला धधक उठी। नौजवानों के दिल में आग ऐसी लगी कि क्रूर ब्रिटिश हुकूमत कांप उठी और उसे हिंदुस्तान को छोड़कर जाना पड़ा। क्रांतिकारी ऊधम सिंह जलियांवाला बाग नरसंहार के दौरान मौजूद थे। नरसंहार की घटना का मुख्य जिम्मेदार तत्कालीन गवर्नर जनरल माइकल ओ डायर को उधम सिंह ने 21 साल 1940 में इंग्लैंड जाकर भरी सभा में गोली मारा था। इस तरह उधमसिंह ने जलियाँवाला बाग नरसंहार का बदला लिया।अमृतसर में होने वाली जनसभाओं और जलियांवाला बाग हत्याकांड की घटना के प्रत्यक्ष गवाह पंजाबी कवि नानक सिंह ने लिखा है कि उस दौर में ऐसी एकता थी कि हिन्दू, मुसलमान, सिख एक ही गिलास पानी पी रहे थे और एक ही थाली में खाना खा रहे थे। वह इस नरसंहार के बाद, अंतिम संस्कार के जुलूसों का वर्णन करते हुए लिखते हैं कि कैसे हिंदू, मुस्लिम और सिख कंधे से कंधा मिलाकर चल रहे थे। उन्होंने अपनी कविता ‘खूनी वैसाखी’ में उल्लेख किया है कि कैसे हिंदू, मुस्लिम और सिख एक साथ मिलकर एक ही त्योहार मना रहे थे-
“पंच वजे अप्रैल दी तेहरवीं नूं,
लोकीं बाग़ वल होए रवान चले।
दिलां विच इनसाफ़ दी आस रख के,
सारे सिख हिन्दू मुसलमान चले।
विरले आदमी शहिर विच रहे बाकी, सब बाल ते बिरध जवान चले।“वे बताते हैं कि हिन्दू, सिख मुसलमान सब एक ही साथ मिलकर त्यौहार मना रहे थे। इस तहजीब को खत्म करने की कोशिश शोषकवर्ग तब भी कर रहा था और आज भी। दरअसल 1947 में बोतल बदली थी शराब तो अब भी वही है। बोतल बदलने से जनता में जो भ्रम पैदा हुआ था वह धीरे-धीरे टूट रहा है। लोग धीरे-धीरे महसूस कर रहे हैं कि अंग्रेजों के वारिश सत्ता में आज तक बने हुए हैं, इसीलिए इनके खिलाफ लड़ाई अभी जारी है। अतः जलियाँवाला बाग नरसंहार जैसे खतरे आज भी बने हुए हैं। 13 अप्रैल जलियांवाला बाग नरसंहार में हुये सभी शहीदों को और आजादी आन्दोलन में अपने को कुर्बान कर देने वाले जाने-अनजाने जितने भी क्रातिकारी शहीद हुए हैं। सभी को क्रांतिकारियों को श्रद्धांजलि देते हुए संकल्प लेते हैं कि आज जन विरोधी काले कानूनों के खिलाफ आंदोलन तेज करें। इस अवसर पर अरविंद सिंह, संतोष कुमार प्रजापति, विशाल गौतम, शेषना श्रीवास्तव, इदरीश अहमद, अरविंद गुप्ता, आजाद, संजय सिंह, शोभावती सहित अन्य कई लोग मौजूद रहे।
मीट व्यवसायी के घर में लाखों की चोरी

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज, एक रात में चोरों ने तीन घरों में चोरी की घटना को दिया अंजाम क्षेत्र में हड़कंप थरवई, प्रयागराज।थाना क्षेत्र के पान की पुलिया और पड़िला गांव में दो घरों में हुई चोरी में चोरों ने नगदी सहित लाखों का माल चुरा लें गए। पुलिस ने कई संदिग्ध युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। पान की पुलिया के मीट व्यवसायी मोहन भारतीया के मकान पर पीछे से चढ़े बदमाशों ने दूसरे तल पर बने कमरे में दाखिल होकर अंदर रखी आलमारी का ताला तोड़कर उसमे रखा चांदी और सोने के जेवरात और दस हजार नगदी सहित लाखों का माल उठा लें गए। इसी तरह पड़िला गांव के पूर्व लेखपाल गुरु प्रसाद के कमरे का ताला तोड़कर कई बोरी सरसों उठा लें गए। पड़िला गांव के ही कमल नारायण शर्मा का शटर का ताला तोड़ रहे थें। आसपास के लोगों के जग जाने से बदमाश भाग गए। घटना की जानकारी पाकर मौक़े पर पहुंची पुलिस ने घटना की जाँच की। पुलिस ने कई संदिग्ध युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। थरवई पुलिस का कहना है की तहरीर मिली है कुछ संदिग्ध युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।

पुलिस ने आभूषण लुटकांड का चौथा आरोपी कार सहित किया गिरफ्तार
रितेश मिश्रा
हरदोई।सवायजपुर थाना छेत्र निवासी बाइक सवार युवकों से ज़ेवर और फोन लूटने के मामले में पुलिस ने चौथे आरोपी को घटना में प्रयुक्त कार के साथ गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।पुलिस तीन आरोपियों को पूर्व में गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।प्राप्त विवरण में 3 अप्रैल को राजवीर पुत्र श्री गोवर्धन निवासी ग्राम ऊंचागांव थाना हरपालपुर द्वारा तहरीर दी गई कि वह अपने भाई सोमपाल पुत्र गोवर्धन निवासी ऊंचा गांव थाना हरपालपुर व अपने साथी सुंदरम पुत्र संतराम सिंह निवासी ग्राम श्यामपुर पंजा थाना हरपालपुर तीनों व्यक्ति एक ही मोटरसाइकिल से आभूषण गिरवी रखने हेतु शाहाबाद जा रहे थे। रास्ते में गंगा एक्सप्रेसवे सर्विस लेन, सैदापुर गांव के सामने एक मोटरसाइकिल पर सवार चार अज्ञात व्यक्तियों द्वारा इन्हें रोककर आभूषण व तीनों के मोबाइल फोन लूट लिए गए। इस सम्बन्ध में वादी राजवीर उपरोक्त की तहरीर के आधार पर थाना सवायजपुर पर अज्ञात आरोपियों के विरुद्ध अभियोग पंजीकृत किया गया।
      पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार मीणा द्वारा टीम गठित कर घटना के शीघ्र एवं सफल अनावरण हेतु आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए थे।
        थाना सवायजपुर के प्रभारी प्रिंस कुमार और पुलिस बल द्वारा उपरोक्त अभियोग से संबंधित वांछित कुलदीप पुत्र इच्छाराम निवासी ग्राम कामीपुर थाना शाहाबाद को एक कार (घटना में प्रयुक्त) सहित गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया।6 अप्रैल को सुंदरम पुत्र जगदेव निवासी ग्राम श्यामपुर बंजर थाना हरपालपुर, सत्यम उर्फ जयेन्द्र प्रताप सिंह पुत्र श्यामू सिंह निवासी ग्राम हैदरपुर थाना शाहाबाद,पंकज पुत्र रामलक्ष्मण निवासी ग्राम श्यामपुर बंजर थाना हरपालपुर को 01 मोबाइल फोन, 2500 रुपये नगदी व घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल सहित गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया जा चुका है।
रामराज में श्री नगली धाम आश्रम पर भव्य भजन-कीर्तन एवं भंडारे का आयोजन
मोनू भाटी। मेरठ ,बहसूमा। क्षेत्र के रामराज में प्रसिद्ध धार्मिक स्थल श्री नगली धाम आश्रम में रविवार को भव्य भजन-कीर्तन एवं विशाल भंडारे का वार्षिक आयोजन बड़े श्रद्धा और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम में दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और भक्ति रस में सराबोर हो गए।
आश्रम परिसर को आकर्षक ढंग से सजाया गया था। सुबह से ही श्रद्धालुओं का आगमन शुरू हो गया था। कार्यक्रम की शुरुआत विधिवत पूजा-अर्चना के साथ हुई, जिसके बाद भजन-कीर्तन का आयोजन किया गया। भजन गायकों ने एक से बढ़कर एक भक्तिमय प्रस्तुतियां दीं, जिन पर श्रद्धालु झूम उठे और पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।
रात में विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। भंडारे की व्यवस्था आश्रम समिति एवं स्थानीय सहयोगियों द्वारा सुचारू रूप से की गई, जिसकी सभी ने सराहना की।
आश्रम के संत राघवा महाराज ने बताया कि यह वार्षिक आयोजन हर वर्ष श्रद्धा और सेवा भाव के साथ किया जाता है, जिसका उद्देश्य समाज में धार्मिक भावना और आपसी भाईचारा बढ़ाना है।
कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा एवं व्यवस्था को लेकर भी विशेष ध्यान रखा गया, जिससे आयोजन शांतिपूर्ण और सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।इस मौके पर कार्तिक मक्कड़, सुरेंद्र छाबड़ा,नींव नारंग,मंजू खेड़ा, अशोक खेड़ा, प्रमोद गर्ग, प्रवीण उपाध्याय, एडवोकेट शुभम अरोड़ा, विपेन्द्र सुधा वाल्मीकि रोहित बंसल जिला अध्यक्ष भाजपा, विपिन मनचंदा व्यापार मंडल अध्यक्ष रामराज, सलोनी प्रजापति, आचल ठाकुर, ज्योति ग्रोवर, शालू दुआ, रानी मक्कड़, विनीता छाबड़ा, रीता छाबड़ा वीणा छाबड़ा, सारिका छाबड़ा, बबीता फुटेला, सुनीता नारंग, सुनीता उपाध्याय, सुनीता ग्रोवर, राखी राणा,अनीता फुटेला,नेहा टुटेजा,शांति बटला, सुदेश गुंबर, आशा मल्होत्रा स्वामी मल्होत्रा सविता बटला, बिल्लू ग्रोवर सोनू तनेजा, मोंटू तनेजा, अमित दुआ, अमन छाबड़ा, अरविंद छाबड़ा, राजकुमार छाबड़ा, दीपक छाबड़ा, आकाश उपाध्याय, विक्की उपाध्याय, रामदत्त उपाध्याय, राजेंद्र गुंबर, मुकेश खेड़ा, विपिन मनचंदा, विजय फुटेला, विजय चुग, सतीश बटला, नितिन मल्होत्रा, काका मल्होत्रा, विनोद बटला, प्रदीप बटला इत्यादि लोग मौजूद रहे।
जबरदस्ती लगाए गए स्मार्ट मीटर, अब एडवांस जमा करने की नीति गलत, उपभोक्ता परेशान, नहीं सुन रहे जनप्रतिनिधि
फर्रुखाबाद l जनपद में विद्युत विभाग के द्वारा जबरदस्ती स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं l इन मीटर के द्वारा लगातार आम जनता के ऊपर पढ़ रहे आर्थिक बोझ को लेकर एक बैठक शहर के पटेल पार्क में की गई,बैठक में स्मार्ट मीटर से पीड़ित लोगों ने आकर अपने साथ हो रही लूट के बारे में बताया स्मार्ट मीटर लगने के बाद किस प्रकार से हम लोगों के द्वारा मीटर में डाले गए पैसे काटे जा रहे हैं रात में लाइट बंद कर दी जाती है और हर व्यक्ति समय बहुत परेशान है l बैठक को संबोधित करते हुए फर्रुखाबाद विकास मंच के जिला अध्यक्ष भईयन मिश्रा ने कहा कि कब तक जनता अपना शोषण कराती रहेगी तब तक उसका शोषण होता रहेगा शहर में हजारों विद्युत उपभोक्ता है और उन सबने बिना विरोध किए हुए स्मार्ट मीटर अपने-अपने घरों में लगवा लिए जबकि स्मार्ट मीटर तभी लगने के आदेश थे जब गृह स्वामी अपनी सहमति दे पर किसी ने चू नहीं की आज लोग परेशान है सांसद विधायक एवं अन्य राजनीतिक दल किसी भी प्रकार से जनता की आवाज उठाने के लिए तैयार नहीं है उन्होंने जनता का आवाहन करते हुए कहा कि आपकी लड़ाई तभी सफल होगी जब आप लोग ईमानदारी से अपनी हक की लड़ाई लड़ेंगे क्योंकि वर्तमान में कोई भी जनप्रतिनिधि का नेता आपके साथ खड़ा होने को तैयार नहीं है मैं आप लोगों के साथ हूं और स्तर से हूं आपके साथ यह लड़ाई जरूर जीती जाएगी बैठक में उन्होंने घोषणा की बहुत जल्द वार्ड स्तर पर कैंप लगाकर स्मार्ट मीटर से हो रही परेशानियों के बारे में जनता से संवाद किया जाएगा और उसके बाद इस समस्या को हल करने के लिए अधिकारियों से वार्ता की जाएगी जनता को किसी भी हालत में परेशानी में नहीं डाला जाएगा और हर स्तर पर संघर्ष किया जाएगा । बैठक में प्रमुख रूप से जितेंद्र मिश्रा अंगद पांडे प्रिंस शुक्ला निशु दुबे अतुल गुप्ता सनी बाथम अनिल कश्यप बाबू अग्निहोत्री श्यामेंद्र दुबे नीरज संजीव भरथरिया प्रकाश सक्सेना सुरेश कश्यप शाहरुख खान प्रदीप तिवारी आलोक मिश्रा अमन जैन कुलदीप दीक्षित अजय मिश्रा रितेश पांडे दिनेश राजपूत आचार्य अमरेश तिवारी सतीश दीक्षित मुकेश बाथम राजेश दिवाकर राजू खान लवी सक्सेना शाहिद बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे बैठक का संचालन अंतर्राष्ट्रीय हिंदू परिषद के जिले के प्रमुख महामंत्री अंगद पांडे उर्फ  कोमल ने किया
प्रयागराज में वारदात, घर के बरामदे में सो रही वृद्धा की गला दबाकर हत्या; शरीर से आभूषण लूट ले गए बदमाश

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज, जिले के यमुनापार इलाके में बड़ी वारदात हुई। मांडा थाना क्षेत्र के दिघिया चौकी अंतर्गत बरहा कला के बबुरा निवासिनी 65 वर्षीय कस्तूरा देवी पत्नी स्वर्गीय उमा शंकर बिंद की शनिवार देर रात गला दबाकर हत्या कर दी गई। वारदात उस समय हुई जब वह घर के बाहर सो रही थीं। उनके शरीर से आभूषण भी गायब हैं। घरवालों ने आभूषण की लूट के लिए वृद्धा की हत्या की आशंका जताई है। मांडा पुलिस के साथ ही फोरेंसिक टीम ने जांच-पड़ताल की।

16 वर्षीय नातिन संग रहती थीं 75 वर्षीय कस्तूरा देवी

बबुरा गांव निवासी उमा शंकर बिंद रेलवे कर्मी थे। उनकी दो पुत्रियां ऊषा व रेनू हैं, जिनकी शादी हो चुकी है। करीब पांच वर्ष पूर्व उमा शंकर सेवानिवृत्त हुए। 10 माह पहले उनकी मौत हो गई थी। घर पर अकेले उनकी पत्नी कस्तूरा रहती थीं। अकेले होने की वजह से उन्होंने अपनी 16 वर्षीया नातिन राधा को अपने पास बुला लिया था।

सुबह नानी को उठाने गई तो शरीर में हरकत नहीं दिखी

शनिवार रात खाना खाने के बाद राधा कमरे में सोने चली गई, जबकि कस्तूरा घर के बाहर बरामदे में जाकर सो गईं। रविवार सुबह राधा सोकर उठी तो देखा कि नानी अभी सो रही हैं। उसने नानी को जगाने की कोशिश की, लेकिन कोई हरकत नहीं हुई। वह चीखने-चिल्लाने लगी। आसपास के लोगों की भीड़ जुट गई। ग्रामीणों ने देखा तो कस्तूरी की मौत हो चुकी थी। गले पर निशान था।

कस्तूरा के पहने गए आभूषण गायब थे

राधा ने बताया कि नानी ने जो आभूषण पहने थे, वह गायब हैं। कुछ ही देर में मांडा पुलिस घटनास्थल पर पहुंची। एसीपी मेजा संत प्रकाश उपाध्याय और फोरेंसिक टीम ने भी जांच पड़ताल की। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया गया। मांडा पुलिस का कहना है कि घरवालों ने हत्या की बात कही है, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही यह साफ होगा कि मामला हत्या का है या नहीं। हालांकि, जांच पड़ताल की जा रही है।

प्रेरणा पोर्टल पर 36 हजार बच्चों का प्रोन्नति सत्यापन लंबित
*भदोही ब्लॉक में सबसे ज्यादा 10 हजार और अभोली में सबसे कम 2200 बच्चों का नहीं हुआ सत्यापन*


नितेश श्रीवास्तव

भदोही । जिले के परिषदीय विद्यालयों में खंड शिक्षा अधिकारियों और शिक्षकों की उदासीनता से 36 हजार 301 बच्चों का प्रोन्नति सत्यापन लंबित है। अभी तक प्रेरणा पोर्टल पर बच्चों का डाटा अपलोड नहीं हो सका है। इससे पास आउट हो चुके बच्चों को अगली कक्षाओं में प्रवेश लेने में मुश्किल आ रही है। बेसिक शिक्षा अधिकारी ने छह बीइओ के साथ सभी शिक्षकों को दो दिन में काम को पूरा कराने के निर्देश दिए हैं। लापरवाही बरतने पर वेतन रोकने की चेतावनी दी गई है। जिले में 885 प्राथमिक, पूर्व माध्यमिक और कंपोजिट विद्यालय संचालित हैं। इसमें एक लाख 11 हजार 19 बच्चे अभी तक पंजीकृत हैं। एक अप्रैल से नया शिक्षा सत्र शुरू हो गया है। पहली से लेकर आठवीं तक के बच्चे अगली कक्षाओं में प्रोन्नत हो गए हैं। अब उनका प्रोन्नति सत्यापन करके प्रेरणा पोर्टल पर अपलोड करना है, लेकिन शिक्षकों की उदासीनता के कारण एक लाख 11 हजार बच्चों में से 36 हजार का सत्यापन पूर्ण नहीं हो सका है। इससे इन बच्चों का डाटा प्रेरणा पोर्टल पर अपलोड नहीं हो सका है। इसको लेकर अभिभावक परेशान हैं। भदोही में सबसे अधिक 10 हजार से अधिक और अभोली में सबसे कम करीब 2200 बच्चों का सत्यापन लंबित है। बच्चों की अधिक संख्या में सत्यापन नहीं होने से प्रदेश स्तर पर जिले की रैकिंग भी खराब हो गई है। इसको लेकर बीएसए ने सभी शिक्षकों को दो दिन में लंबित सत्यापन को पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। बीएसए शिवम पांडेय ने कहा कि दो दिन के अंदर सभी सत्यापन पूर्ण करने के निर्देश दिए गए हैं। ऐसा न करने पर वेतन रोकने की कार्रवाई की जाएगी।



जिले में ब्लॉक वार स्थिति
ब्लॉक कुल बच्चे हटाए गए बच्चे शिक्षक स्तर पर लंबित
अभोली 10194 134 2270
औराई 26153 423 4852
भदोही 22278 246 10871
डीघ 19327 306 3817
ज्ञानपुर 19465 341 7435
भदोही नगर 2254 22 989
सुरियावां 11348 135 6067
कुल 111019 1607 36301