उप निरीक्षक नागरिक पुलिस एवं समकक्ष पदो पर सीधी भर्ती परीक्षा-2025

जिलाधिकारी ने कंट्रोल रूम एवं परीक्षा केन्द्रो का किया निरीक्षण।

पुलिस भर्ती बोर्ड द्वारा निर्गत निर्देशो के अनुसार परीक्षा केन्द्रों पर सभी आवश्यक व्यवस्थाये एवं अपेक्षित कार्रवाई सुनिश्चित रहे-जिलाधिकारी।

जनपद के 43 परीक्षा केन्द्रो में 14 व 15 मार्च को दो सत्रों में आयोजित हो रही है परीक्षा।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने पुलिस आयुक्त जोगेन्द्र कुमार डीसीपी नगर मनीष कुमार शांडिल्य के साथ शनिवार को उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड लखनऊ द्वारा उत्तर प्रदेश पुलिस में उप निरीक्षक नागरिक पुलिस एवं समकक्ष पदों पर सीधी भर्ती-2025 हेतु आज दिनांक 14 एवं 15 मार्च 2026 को आयोजित हो रही लिखित परीक्षा को निर्धारित प्रक्रियानुसार सकुशल निर्विघ्न निष्पक्ष नकलविहीन व शुचितापूर्ण ढंग से सम्पन्न कराये जाने के दृष्टिगत पुलिस लाइन में बनाये गये कन्ट्रोल रूम एवं ईश्वर शरण इण्टर कॉलेज सलोरी जगत तारन गर्ल्स इंटर कॉलेज सहित अन्य विद्यालयों में बनाये गये परीक्षा केन्द्रो का औचक निरीक्षण किया तथा सभी सम्बंधित को आवश्यक दिशा निर्देश दिये हैंनिरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने परीक्षा के सकुशल नकलविहीन व सुचितापूर्णढंग से आयोजन के लिए सम्बंधित सेक्टर मजिस्टेट स्टैटिक मजिस्टेट केन्द्र व्यवस्थापक सह केन्द्र व्यवस्थापक को जिम्मेदारी संवेदनशीलता व निर्धारित गाइडलाइन का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिष्चित करते हुए परीक्षा को सम्पन्न कराये जाने के निर्देश दिए।उन्होंने परीक्षा को सकुशल सम्पन्न कराये जाने हेतु नियुक्त सेक्टर मजिस्टेटो को परीक्षा अवधि के दौरान अपने सेक्टर के परीक्षा केन्द्रो पर भ्रमणशील रहकर परीक्षा को सम्पन्न कराने एवं परीक्षा के समाप्ति के उपरांत गोपनीय सामग्री को निर्धारित रूट से ही पुलिस अभिरक्षा में डबल लॉक में जमा कराना सुनिश्चित करने के निर्देश दिये।उन्होंने परीक्षा केन्द्रों पर नियुक्त स्टैटिक मजिस्टेटों एवं केंद्र व्यस्थापक को पुलिस भर्ती बोर्ड द्वारा निर्गत निर्देशों के अनुसार परीक्षा केन्द्रो पर सभी आवश्यक व्यवस्थायें एवं अपेक्षित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।उन्होंने परीक्षा केन्द्रो पर बनाये हुए सीसीटीवी कंट्रोल रूम का निरीक्षण कर कैमरो के माध्यम से हो रही मॉनिटरिंग को देखा।उल्लेखनीय है कि परीक्षा आज दिनांक 14 एवं 15 मार्च को दो सत्रों-प्रथम सत्र में प्रातः 10ः00 बजे से 12ः00 बजे तक तथा द्वितीय सत्र में अपरान्ह 03ः00 बजे से सायं 05ः00 बजे तक आयोजित हो रही है।परीक्षा जनपद प्रयागराज के 43 परीक्षा केन्द्रों में दो सत्रो में आयोजित हो रही है जिसमें चारों पालियों में 53760 अभ्यर्थी पंजीकृत है।

सुलह समझौते के आधार पर 7 दांपत्य परिवारों को विदा किया गया,40  पारिवारिक विवाद निपटाए गए
फर्रुखाबाद l राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण एवं राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में माननीय जनपद न्यायाधीश नीरज कुमार द्वारा राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारम्भ माँ सरस्वती की प्रतिमा पर दीप प्रज्वलित एवं माल्यार्पण कर किया गया। इस दौरान प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय जमशेद अली, पीठासीन अधिकारी मोटर वाहन दुर्घटना अधिकरण  सन्तोष कुमार तिवारी, बार के पदाधिकारी, महासचिव, अन्य न्यायिक अधिकारी, अधिवक्ता, वादकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
राष्ट्रीय लोक अदालत में जनपद के विभिन्न बैंक, विद्युत विभाग, नगर पालिका परिषद एवं अन्य प्रशासनिक विभागों द्वारा अपने-अपने स्टाल लगाकर सम्बन्धित पक्षकारों के समक्ष उनकी सहमति के आधार पर सुलह-सन्धि कराते हुए मामलों का निस्तारण किया गया। 549 बैंक वसूली से सम्बन्धित मामलों को निस्तारित कर 6,32,78,500 रुपये की वसूली धनराशि बैंकों द्वारा प्राप्त की गयी। 60283 विद्युत बिल सम्बन्धी मामलों का निस्तारण किया गया।
जमशेद अली, प्रधान न्यायाधीश, कुटुम्ब न्यायालय द्वारा कुल 40 पारिवारिक/वैवाहिक वादों का निस्तारण किया गया। इसमें से सुलह समझौते के आधार पर 07 जोडे पति-पत्नी को एक साथ रहने के लिए विदा किया गया। पीठासीन अधिकारी मोटर वाहन दुर्घटना प्रतिकर अधिनियम सन्तोष कुमार तिवारी द्वारा 20 वादों का निस्तारण किया गया। श्री नरेश कुमार, अध्यक्ष जिला उपभोक्ता फोरम द्वारा अपने न्यायालय से 13 मामले निस्तारित किये गये।

राष्ट्रीय लोक अदालत में जनपद के विभिन्न न्यायालयों/विभागों/कार्यालयों द्वारा अलग-अलग मामले चिन्हित कर निस्तारित किये गये। कुल चिन्हित लम्बित 4,574 मामलों में से 4,089 तथा प्री-लिटिगेशन के 1,34,764 मामलों में से 13,3,680 मामले निस्तारित किये गये हैं। इस प्रकार कुल 139338 मामलों में से 137769 मामलों का निस्तारण कर कुल 11,91,10,805/- रुपया धनराशि जमा करायी गयी। सभी विभागों एवं अधिकारियों के सहयोग से लक्ष्य से अधिक मुकदमों का निस्तारण किया गया है।

राष्ट्रीय लोक अदालत में उपस्थित होकर सहयोग देने वाले अधिकारी में  शैली रॉय अपर जिला जज प्रथम, अभिनितम उपाध्याय एस.सी./एस.टी. एक्ट/विशेष न्यायाधीश, तरूण कुमार सिंह विशेष न्यायाधीश ई.सी. एक्ट, रितिका त्यागी विशेष न्यायाधीश पाक्सो एक्ट,  दीपेन्द्र कुमार सिंह अपर जिला जज कक्ष संख्या 08, मेराज अहमद अपर जिला जज/पाक्सो एक्ट कक्ष संख्या संदीप तिवारी अपर जिला जज/त्वरित न्यायालय प्रथम, सत्येन्द्र सिंह वर्मा अपर जिला जज त्वरित न्यायालय द्वितीय,अन्जू कम्बोज अपर प्रधान न्यायाधीश,  संजय कुमार षष्ठम अपर जिला जज/नोडल अधिकारी राष्ट्रीय लोक अदालत, घनश्याम शुक्रा, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट,  प्रीतिमाला चतुर्वेदी, सिविल जज व०प्र०, ज्ञानेन्द्र कुमार अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, पीयूश भारतीय रेलवे मजिस्ट्रेट, जयवीर सिंह अपर सिविल जज सी.डि./एसीजेएम/प्रभारी सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, युगुल शम्भू अपर सिविल जज (सी.डि.) आकाश गुप्ता एसीजेएम/एफटीसी, विजय रतन गौतम ग्राम न्यायालय अमृतपुर, ओम चैरसिया सिविल जज सिटी, माला कुमारी सिविल जज (जू.डि.) कायमगंज, सुबुक मुस्कान जेएम सदर, प्रशान्त कौशिक जेएम हवाली, हिमांबू नौटियाल अपर सिविल जज प्रथम, गुलफ्शा अपर सिविल जज द्वितीय, श्वेता कश्यप जेएम, अनामिका अपर सिविल जज, शोभा रानी जेएम,  दीपिका रानी जेएम, ज्योति सागर जेएम/एफटीसी 02, शिवानी सिंह जेएम/एफटीसी, बलवीर सिंह विशेष जेएम एवं अन्य न्यायिक अधिकारीगण, राम सिंह मौर्या, लिपिक जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, कोर्ट मैनेजर व विभिन्न न्यायालयों, बैंकों व विभागों के अधिकारीगण, कर्मचारीगण, परा विधिक स्वयंसेवकगण एवं वादकारीगण उपस्थित रहे।
राष्ट्रीय लोक अदालत के सफल कार्यक्रम के समापन पर नीरज कुमार, जनपद न्यायाधीश एवं संजय कुमार, अपर जिला जज/नोडल अधिकारी जिला विधिक प्राधिकरण फर्रुखाबाद द्वारा आभार व्यक्त किया गया।
डिजिटल इंडिया की नई तस्वीर: रांची में जनगणना 2027 के लिए तीन दिवसीय प्रशिक्षण संपन्न, मोबाइल ऐप से होगी गणना।

समाहरणालय स्थित ब्लॉक-बी में आयोजित तीन दिवसीय विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम का आज सफल समापन हुआ। 12 मार्च से 14 मार्च तक चले इस सत्र में जिले के वरीय अधिकारियों और प्रखंड विकास पदाधिकारियों को जनगणना के प्रथम चरण— 'मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना'—की बारीकियों से अवगत कराया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ उपायुक्त-सह-प्रधान जनगणना पदाधिकारी, श्री मंजूनाथ भजंत्री द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया।

पेपरलेस होगी गणना, मोबाइल ऐप का होगा उपयोग:

इस बार की जनगणना की सबसे बड़ी विशेषता इसका डिजिटल होना है। प्रशिक्षण के दौरान 'House Listing Operation Mobile App' और 'CMMS Web Portal' के उपयोग पर गहन चर्चा की गई। प्रशिक्षकों ने बताया कि डेटा का रीयल-टाइम अपलोड, सत्यापन और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए डिजिटल उपकरणों का सहारा लिया जाएगा। इसके अलावा, आम नागरिक 'स्व-गणना' (Self-Enumeration) की सुविधा के जरिए स्वयं भी अपनी जानकारी पोर्टल पर दर्ज कर सकेंगे।

दो चरणों में संपन्न होगी प्रक्रिया:

प्रशिक्षण में जानकारी दी गई कि जनगणना 2027 दो चरणों में पूरी होगी:

प्रथम चरण: अप्रैल से सितंबर 2026 के बीच मकानों का सूचीकरण किया जाएगा।

द्वितीय चरण: फरवरी 2027 में वास्तविक जनसंख्या गणना होगी, जिसकी संदर्भ तिथि 1 मार्च 2027 निर्धारित है।

अधिकारियों की उपस्थिति:

समापन सत्र में अपर समाहर्ता श्री रामनारायण सिंह, एसडीओ सदर श्री कुमार रजत, एसडीओ बुण्डू श्री किस्टो कुमार बेसरा सहित सभी प्रखंडों के बीडीओ और सांख्यिकी कर्मी मौजूद रहे। जिला सांख्यिकी पदाधिकारी श्री शेषनाथ बैठा ने धन्यवाद ज्ञापन करते हुए कहा कि यह प्रशिक्षण फील्ड वर्क को सटीक और समयबद्ध बनाने में मील का पत्थर साबित होगा।

आवास योजना में बड़ा घोटाला! असली गरीब बाहर, अपात्रों को मकान — प्रधान- सचिव पर गंभीर आरोप, जांच शुरू

करछना में सरकारी योजना की लूट? जिनके पास घर नहीं उन्हें कुछ नहीं, और जिनका नाम तक नहीं उन्हें कॉलोनी — शिकायत पर प्रशासन हरकत में

विश्वनाथ प्रताप सिंह, प्रयागराज। करछना विकास खंड में मुख्यमंत्री आवास योजना को लेकर बड़ा खेल सामने आया है। आरोप है कि जिन गरीबों के नाम सूची में थे उन्हें आज तक कॉलोनी नहीं मिली, जबकि ऐसे लोगों को आवास दे दिया गया जिनका नाम पात्रता सूची में तक नहीं था। पूरे मामले में ग्राम प्रधान और पंचायत सचिव की भूमिका पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। जिलाधिकारी को दी गई शिकायत में अधिवक्ता प्रिन्स कुमार सिंह ने आरोप लगाया है कि ग्राम पंचायत पिपरांव और आसपास के गांवों में योजना के नियमों को पूरी तरह नजरअंदाज किया गया। पात्र लोगों को किनारे कर दिया गया और अपात्र लोगों को फर्जी जाति प्रमाण पत्र लगाकर कोल वर्ग का दिखाकर आवास स्वीकृत करा दिया गया। शिकायत में यह भी कहा गया है कि जिन परिवारों के पास रहने के लिए पक्का मकान नहीं है, वे आज भी इंतजार कर रहे हैं, जबकि कुछ ऐसे लोगों को कॉलोनी दे दी गई जिनका नाम मूल सूची में नहीं था। इससे पूरे चयन प्रक्रिया पर सवाल उठने लगे हैं। फर्जी तरीके से लाभ लेने वालों में आरती पूनम, निवासी पिपरांव, शशि देवी, राधा, निवासी भिटरिया के नाम सामने आए हैं। आरोप है कि इन लोगों को गलत जाति प्रमाण पत्र लगाकर योजना का लाभ दिलाया गया।

मामले की शिकायत मिलने के बाद मुख्य विकास अधिकारी ने जांच के आदेश दे दिए हैं और संबंधित अधिकारियों से पूरी रिपोर्ट मांगी है। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि पात्रता सूची, जाति प्रमाण पत्र, सत्यापन रिपोर्ट और आवास स्वीकृति की पूरी प्रक्रिया की जांच की जाए। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर निष्पक्ष जांच हो जाए तो आवास योजना में बड़ा घोटाला सामने आ सकता है। ग्रामीणों का आरोप है कि बिना मिलीभगत के इस तरह अपात्र लोगों को लाभ मिलना संभव नहीं है। अब देखना यह है कि जांच सिर्फ कागजों तक सीमित रहती है या फिर सच में दोषियों पर कार्रवाई होती है। गांव के लोगों की नजर प्रशासन की जांच पर टिकी हुई है।

आस्था और व्यवस्था, विरासत और विकास के साथ वेटिकन-रोम और येरुशलम से बेहतर बन रहा विंध्याचल धाम:मंत्री श्री ए.के. शर्मा
विरासत के साथ विकास और आस्था के साथ व्यवस्था” की सोच पर आगे बढ़ रहा देश: नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री

नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ने मिर्जापुर में लगभग 2 करोड़ की विकास परियोजनाओं का किया लोकार्पण



मिर्जापुर।14 मार्च 2026 नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए के शर्मा ने मिर्जापुर के अष्टभुजा गेस्ट हाउस परिसर में लगभग दो करोड़ रुपये की लागत से विभिन्न विकास योजनाओं का लोकार्पण किया। इन योजनाओं में पटेल चौराहा का सौंदर्यीकरण, विंध्याचल बरतर में जोनल ऑफिस का निर्माण, ओझला पुल का सुंदरीकरण तथा अहिल्याबाई होल्कर पार्क के निर्माण जैसे महत्वपूर्ण कार्य शामिल हैं। इन परियोजनाओं से शहर की आधारभूत सुविधाओं के साथ-साथ धार्मिक पर्यटन को भी नई गति मिलेगी।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में देश में “विरासत के साथ विकास” और “आस्था के साथ व्यवस्था” की सोच को धरातल पर उतारा जा रहा है। उन्होंने कहा कि श्रद्धा और स्वच्छता, संस्कृति और समृद्धि को साथ लेकर ही भारत को विकसित राष्ट्र बनाया जा सकता है। इसी दृष्टि से धार्मिक और ऐतिहासिक स्थलों का आधुनिक सुविधाओं के साथ विकास किया जा रहा है, ताकि श्रद्धालुओं को बेहतर व्यवस्था और सुविधाएं मिल सकें।

मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि उन्होंने वेटिकन सिटी और रोम जैसे विश्व प्रसिद्ध धार्मिक शहरों को भी देखा है। अपने अनुभव के आधार पर वे कह सकते हैं कि विंध्याचल धाम का विकास जिस प्रकार से हो रहा है, वह इन स्थानों से भी बेहतर और भव्य रूप में सामने आ रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री के नेतृत्व और मार्गदर्शन में वाराणसी अयोध्या और विंध्याचल में कॉरिडोर और आधारभूत ढांचे का जो विकास हुआ है, वह अद्भुत है और अपना विंध्याचल धाम किसी से कम नहीं है।

उन्होंने बताया कि चौबे घाट पर इलेक्ट्रिक शवदाह गृह के निर्माण को मंजूरी मिल चुकी है और घंटाघर क्षेत्र में पक्के घाटों का निर्माण भी कराया जाएगा। ऊर्जा क्षेत्र के विकास का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि मड़िहान तहसील में 765 केवीए का विद्युत उपकेंद्र स्वीकृत हो गया है, जो उत्तर प्रदेश का चौथा 765 केवीए उपकेंद्र होगा। इसके अलावा विंध्याचल विद्युत उपकेंद्र में एक अतिरिक्त 5 एमवीए ट्रांसफार्मर लगाकर क्षमता वृद्धि की गई है तथा 30 वितरण ट्रांसफार्मरों की क्षमता भी बढ़ाई गई है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में विद्युत व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए लगातार सुधारात्मक कदम उठाए जा रहे हैं।

इस अवसर पर विधायक  रत्नाकर मिश्र, विधायक  रमाशंकर सिंह पटेल, पिछड़ा वर्ग आयोग के उपाध्यक्ष  सोहन श्रीमाली, जिला अध्यक्ष  लाल बहादुर सरोज, नगर पालिका परिषद मिर्जापुर के अध्यक्ष श्याम सुंदर केसरी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ने मिर्जापुर में लगभग 2 करोड़ की विकास परियोजनाओं का किया लोकार्पण
*आस्था और व्यवस्था, विरासत और विकास के साथ वेटिकन-रोम और येरुशलम से बेहतर बन रहा विंध्याचल धाम: एके शर्मा

लखनऊ। नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए के शर्मा ने मिर्जापुर के अष्टभुजा गेस्ट हाउस परिसर में लगभग दो करोड़ रुपये की लागत से विभिन्न विकास योजनाओं का लोकार्पण किया। इन योजनाओं में पटेल चौराहा का सौंदर्यीकरण, विंध्याचल बरतर में जोनल ऑफिस का निर्माण, ओझला पुल का सुंदरीकरण तथा अहिल्याबाई होल्कर पार्क के निर्माण जैसे महत्वपूर्ण कार्य शामिल हैं। इन परियोजनाओं से शहर की आधारभूत सुविधाओं के साथ-साथ धार्मिक पर्यटन को भी नई गति मिलेगी।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में देश में “विरासत के साथ विकास” और “आस्था के साथ व्यवस्था” की सोच को धरातल पर उतारा जा रहा है। उन्होंने कहा कि श्रद्धा और स्वच्छता, संस्कृति और समृद्धि को साथ लेकर ही भारत को विकसित राष्ट्र बनाया जा सकता है। इसी दृष्टि से धार्मिक और ऐतिहासिक स्थलों का आधुनिक सुविधाओं के साथ विकास किया जा रहा है, ताकि श्रद्धालुओं को बेहतर व्यवस्था और सुविधाएं मिल सकें।
मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि उन्होंने वेटिकन सिटी और रोम जैसे विश्व प्रसिद्ध धार्मिक शहरों को भी देखा है। अपने अनुभव के आधार पर वे कह सकते हैं कि विंध्याचल धाम का विकास जिस प्रकार से हो रहा है, वह इन स्थानों से भी बेहतर और भव्य रूप में सामने आ रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी और सीएम के नेतृत्व और मार्गदर्शन में वाराणसी, अयोध्या और विंध्याचल में कॉरिडोर और आधारभूत ढांचे का जो विकास हुआ है, वह अद्भुत है और अपना विंध्याचल धाम किसी से कम नहीं है।
उन्होंने बताया कि चौबे घाट पर इलेक्ट्रिक शवदाह गृह के निर्माण को मंजूरी मिल चुकी है और घंटाघर क्षेत्र में पक्के घाटों का निर्माण भी कराया जाएगा। ऊर्जा क्षेत्र के विकास का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि मड़िहान तहसील में 765 केवीए का विद्युत उपकेंद्र स्वीकृत हो गया है, जो उत्तर प्रदेश का चौथा 765 केवीए उपकेंद्र होगा। इसके अलावा विंध्याचल विद्युत उपकेंद्र में एक अतिरिक्त 5 एमवीए ट्रांसफार्मर लगाकर क्षमता वृद्धि की गई है तथा 30 वितरण ट्रांसफार्मरों की क्षमता भी बढ़ाई गई है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में विद्युत व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए लगातार सुधारात्मक कदम उठाए जा रहे हैं।
इस अवसर पर विधायक रत्नाकर मिश्र, विधायक रमाशंकर सिंह पटेल, पिछड़ा वर्ग आयोग के उपाध्यक्ष सोहन श्रीमाली, जिला अध्यक्ष लाल बहादुर सरोज, नगर पालिका परिषद मिर्जापुर के अध्यक्ष श्याम सुंदर केसरी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
गर्मी बढ़ी तो बढ़ा मच्छरों का आतंक निकायों में अभी तक फाॅगिंग नहीं
*117 वार्डों में एक बार फाॅगिंग करने पर 620 लीटर डीजल होता है खर्च*



रिपोर्टर - नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिले में गर्मी का पारा चढ़ने लगा है। तापमान 35.5 डिग्री पार कर चुका है। गर्मी और गदंगी के कारण मच्छरों का आतंक बढ़ गया है। निकायों में गंदगी की भरमार है, इससे तेजी से मच्छर पनप रहे हैं। निकायों में अभी तक फॉगिंग शुरू नहीं हो सकी है। जबकि होली के बाद से शुरू हो जानी चाहिए थी। गंदगी के कारण लोगों को डेंगू, मलेरिया जैसी संक्रमित बीमारी का डर सताने लगा है।निकाय से मिली जानकारी के मुताबिक सात निकाय के 117 वार्ड में एक बार फागिंग कराने पर करीब 620 लीटर डीजल खर्च होते हैं। यानि सातों निकायों में एक बार फागिंंग कराने पर करीब 54560 रुपये खर्च होता है। जलभराव, गंदगी या जहां डेंगू मलेरिया के मरीज मिले हैं। वहां सप्ताह एक बार फॉगिंग होनी चाहिए, लेकिन ऐसा नहीं होता है। महीने में एक बार फॉगिंग कराई जाती है। किसी महीने में चार, तो किसी में पांच सप्ताह पड़ते हैं। हर सप्ताह फॉगिंग कराई जाए, तो ढाई लाख रुपये हर महीने खर्च होगा। मार्च से सितंबर तक फागिंग करानी होती है। इस पर करीब 17 से 18 लाख रुपये खर्च होते हैं। इसके अलावा अधिकारियों के बंगला, मुख्यालय पर अलग से फॉगिंग होती है। इसके लिए निकाय के पास अलग से बजट नहीं है। नगर से जो राजस्व प्राप्त होता है। उसी से फॉगिंग कराई जाती है। जिले में सात निकाय है, इसमें भदोही गोपीगंज, नगर पालिका है। वहीं, ज्ञानपुर, खमरिया, घोसिया, सुरियावां, नई बाजार नगर पंचायत है। निकाय के 117 वार्ड में करीब साढ़े तीन लाख की आबादी निवास करती है। यह आबादी मच्छरों के प्रकोप से परेशान हैं। यहां फॉगिंग के नाम पर हर साल 17 से 18 लाख रुपये खर्च होते हैं, लेकिन शायद एक या दो बार फागिंग कराकर निकाय अपनी जिम्मेदारी पूरी कर लेता है।

लोगों की जेब हो रही ढीली
मच्छरों से बचाव के लिए लोगों की जेब ढीली होने लगी है। बाजार से मच्छररोधी अगरबत्ती, क्वाइल, गुड नाइट लिक्विड खरीदने के लिए लोग विवश हैं। इन मच्छररोधी दवाओं से स्वास्थ्य पर प्रतिकूल असर पड़ता है। एक ओर फॉगिंग नहीं कराई जा रही है। वहीं, दूसरी ओर नगर निकाय क्षेत्रों में मार्गों पर जलभराव, बजबजाती नालियां और खुले में डंप कचरों से लोगों का जीना दुश्वार हो गया है।
कहां कितने वार्ड
निकाय - वार्ड - डीजल की खतप
भदोही - 29 - 150
गोपीगंज - 25 - 135
ज्ञानपुर - 11 - 60
खमरियां - 15 - 75
नई बाजार - 11 - 60
सुरियावां - 13 - 70
घोसिया - 13 - 70
नोट- ये आंकड़े निकाय से मिले हैं।
डेंगू के मरीज
साल - मरीज
2021 - 39
2022 - 101
2023 - 208
2024 - 40
2025 - 60
2026 - अब तक नहीं

निकायों में नियमित फॉगिंग कराने का आदेश है। कुछ निकायों में फॉगिंग कराई जा रही है। जहां नहीं हो रहा है। वहां संबंधित ईओ से बात करके फागिंग कार्य कराया जाएगा।
- धर्मराज सिंह, निकाय नोडल।
अत्याधुनिक छात्रावास एवं तकनीक आधारित शिक्षण सुविधाओं से सुसज्जित आवासीय विद्यालय सरस्वती विद्या मन्दिर विवेकानन्द नगर में 22 मार्च को प्रवेश पर
जनपद सुल्तानपुर की हृदयस्थली में स्थित सरस्वती विद्या मन्दिर वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, ज्ञानकुंज विवेकानन्द नगर (आवासीय) सीबीएसई बोर्ड से मान्यता प्राप्त विद्यालयों में अपनी उत्कृष्ट शैक्षिक परम्परा, अनुशासन एवं संस्कारयुक्त वातावरण के लिए विशेष पहचान रखता है। वर्तमान समय में विद्यालय परिसर में 5000 से अधिक भैया-बहनें आधुनिक संसाधनों के साथ गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं।
विद्यालय में डिजिटल लैब, इंटरैक्टिव पैनल से युक्त स्मार्ट कक्षाएँ, आधुनिक प्रयोगशालाएँ तथा अनुभवी एवं समर्पित आचार्यों का मार्गदर्शन विद्यार्थियों को उच्च स्तरीय शिक्षा प्रदान करता है। इंटरमीडिएट स्तर पर यहाँ गणित, जीवविज्ञान, कॉमर्स एवं मानविकी सभी प्रमुख विषयों की सुव्यवस्थित कक्षाएँ संचालित की जाती हैं।
विद्यालय के प्रधानाचार्य श्री राकेश मणि त्रिपाठी ने जानकारी देते हुए बताया कि आगामी 22 मार्च (रविवार) को प्रातः 10 बजे से कक्षा 6, 9 एवं 11 में प्रवेश हेतु प्रवेश परीक्षा आयोजित की जाएगी। प्रवेश परीक्षा में सम्मिलित होने के इच्छुक विद्यार्थी विद्यालय कार्यालय से प्रवेश फार्म प्राप्त कर सकते हैं।
विद्यालय में कक्षा 6 से 12 तक के विद्यार्थियों (बालकों) के लिए अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित आधुनिक छात्रावास की व्यवस्था उपलब्ध है।
उन्होंने आधुनिक छात्रावास की प्रमुख सुविधाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि हमारे यहां पूर्णतः एयर-कंडीशन्ड आधुनिक छात्रावास है । जहाँ समुचित चिकित्सा सुविधा तथा स्वच्छ एवं पौष्टिक भोजन की व्यवस्था उपलब्ध है।
विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए सुरक्षित, अनुशासित एवं अध्ययन के अनुकूल वातावरण है।
• आचार्यों एवं विद्यार्थियों के बीच वन-टू-वन संवाद एवं विविध क्षेत्रों के विशेषज्ञों द्वारा व्यक्तिगत मार्गदर्शन की भी व्यवस्था है।
स्पोकन इंग्लिश, कम्युनिकेशन स्किल्स एवं पर्सनैलिटी डेवलपमेंट के लिए अतिरिक्त कक्षाएँ संचालित की जाती हैं। नियमित टेस्ट, डाउट-क्लियरिंग सत्र एवं प्रदर्शन का सतत मूल्यांकन हमारा वैशिष्ट्य है।
शैक्षणिक उत्कृष्टता के साथ नैतिक मूल्यों के विकास एवं चरित्र निर्माण पर हम विशेष बल देते हैं।
विद्यार्थियों को नियमित पढ़ाई के साथ-साथ इंजीनियरिंग , मेडिकल एवं अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी सायंकालीन विशेष कक्षाओं के माध्यम से कराई जाती है। समय-समय पर देश के प्रतिष्ठित कोचिंग संस्थानों के विषय विशेषज्ञ भी विद्यार्थियों को मार्गदर्शन प्रदान करते हैं।
विद्यालय के प्रबंधक एवं मेडिकल कॉलेज सुल्तानपुर के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. पवन कुमार सिंह ने कहा कि विद्यालय नई शिक्षा नीति 2020 एवं सीबीएसई के उच्चतम मानकों के अनुरूप विद्यार्थियों को आधुनिक एवं उपयोगी शैक्षिक सुविधाएँ प्रदान करने के लिए सतत प्रयासरत है।
उन्होंने कहा कि हमारा संकल्प है कि हम विद्यार्थियों को अत्याधुनिक तकनीक, उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा तथा श्रेष्ठ संस्कारों से युक्त वातावरण प्रदान करते हुए राष्ट्र के लिए योग्य एवं सक्षम पीढ़ी का निर्माण करते रहें।
“सुल्तानपुर के अंतर्राष्ट्रीय भजन गायक दीनबंधु सिंह 16 मार्च को देव उत्सव 2026 हरिद्वार में भजन प्रस्तुत करेंगे”

उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र, प्रयागराज, संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार, तथा श्री गंगा सभा, रजिस्टर्ड, हरिद्वार, उत्तराखंड के सहयोग से आयोजित देव उत्सव 2026 कार्यक्रम 15 मार्च से 17 मार्च तक सायंकाल 6:00 बजे से घंटाघर, हर की पौड़ी, हरिद्वार में आयोजित किया जा रहा है।
इस उत्सव में सुल्तानपुर जिले के अंतर्राष्ट्रीय भजन गायक दीनबंधु सिंह को अपनी पूरी टीम के साथ 16 मार्च को भजन प्रस्तुत करने का अवसर मिला है। दीनबंधु सिंह की भजनों में आध्यात्मिक ऊर्जा और भारतीय संस्कृति का अद्वितीय संगम देखने को मिलता है, जिससे दर्शक भक्तिभाव में डूब जाते हैं।
उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र, प्रयागराज के निदेशक श्री सुदेश शर्मा ने इस कार्यक्रम की भारतीय संस्कृति से जुड़ी महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों के माध्यम से न केवल आध्यात्मिक उन्नति होती है, बल्कि हमारी सांस्कृतिक विरासत भी जीवंत रहती है। उन्होंने भजनों के माध्यम से जनता में संस्कृति और आध्यात्मिक जागरूकता फैलाने के लिए दीनबंधु सिंह और उनकी टीम की प्रशंसा की।
देव उत्सव 2026 में न केवल भजन प्रस्तुतियों का आनंद लिया जाएगा, बल्कि विभिन्न सांस्कृतिक और धार्मिक गतिविधियाँ भी आयोजित की जाएंगी, जो दर्शकों को भारतीय सांस्कृतिक परंपराओं और आध्यात्मिक अनुभवों से जोड़ेंगी।
संगठन और आयोजकों की ओर से आम जनता से अनुरोध है कि वे इस भव्य उत्सव में अधिकाधिक संख्या में भाग लेकर भारतीय संस्कृति और आध्यात्मिक संगीत का आनंद लें।
पीवीयूएनएल में 55वें राष्ट्रीय सुरक्षा सप्ताह 2026 का समापन समारोह संपन्न

पीवीयूएनएल में 11 मार्च 2026 को 55वें राष्ट्रीय सुरक्षा सप्ताह का समापन समारोह उत्साह एवं सक्रिय भागीदारी के साथ आयोजित किया गया। कार्यक्रम में पीवीयूएनएल के कर्मचारियों, बीएचईएल के अधिकारियों, सीआईएसएफ कर्मियों तथा विभिन्न ठेका एजेंसियों के श्रमिकों ने बड़ी संख्या में भाग लिया।

कार्यक्रम की शुरुआत एजीएम (सेफ्टी) द्वारा सभी अतिथियों के स्वागत के साथ हुई। उन्होंने कार्यस्थल पर शून्य दुर्घटना के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए सतत सुरक्षा जागरूकता और सामूहिक जिम्मेदारी के महत्व पर प्रकाश डाला।

इस अवसर पर पीवीयूएनएल के सीईओ द्वारा सभी उपस्थित कर्मचारियों, अधिकारियों, सीआईएसएफ प्रतिनिधियों और श्रमिकों को सुरक्षा शपथ दिलाई गई, जिसमें सभी ने कार्य के प्रत्येक चरण में सुरक्षा मानकों का पालन करने का संकल्प लिया।

समारोह में सीईओ (पीवीयूएनएल) श्री ए.के. सहगल , श्री बिश्नु दत्ता दास जीएम (प्रोजेक्ट), श्री मनीष खेतरपाल जीएम (ओ एंड एम), डीसी (सीआईएसएफ) तथा पीडी (बीएचईएल) ने प्रेरणादायक संबोधन देते हुए सक्रिय सुरक्षा संस्कृति, सुरक्षा नियमों के कड़ाई से पालन तथा आपसी समन्वय को मजबूत करने पर जोर दिया।

कार्यक्रम के दौरान सेफ्टी सॉन्ग और नुक्कड़ नाटक के माध्यम से सुरक्षित कार्य पद्धतियों के प्रति जागरूकता फैलाने का संदेश दिया गया। इस अवसर पर विभिन्न एजेंसियों के 70 सुरक्षा जागरूक श्रमिकों को सुरक्षित कार्य के प्रति उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित भी किया गया।

कार्यक्रम का समापन राष्ट्रीय सुरक्षा दिवस 2026 की थीम “Engage, Educate & Empower People to Enhance Safety” को दोहराते हुए किया गया, जिसमें सभी को सुरक्षित और दुर्घटना मुक्त कार्यस्थल के निर्माण हेतु निरंतर प्रयास करने का आह्वान किया गया।

उप निरीक्षक नागरिक पुलिस एवं समकक्ष पदो पर सीधी भर्ती परीक्षा-2025

जिलाधिकारी ने कंट्रोल रूम एवं परीक्षा केन्द्रो का किया निरीक्षण।

पुलिस भर्ती बोर्ड द्वारा निर्गत निर्देशो के अनुसार परीक्षा केन्द्रों पर सभी आवश्यक व्यवस्थाये एवं अपेक्षित कार्रवाई सुनिश्चित रहे-जिलाधिकारी।

जनपद के 43 परीक्षा केन्द्रो में 14 व 15 मार्च को दो सत्रों में आयोजित हो रही है परीक्षा।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने पुलिस आयुक्त जोगेन्द्र कुमार डीसीपी नगर मनीष कुमार शांडिल्य के साथ शनिवार को उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड लखनऊ द्वारा उत्तर प्रदेश पुलिस में उप निरीक्षक नागरिक पुलिस एवं समकक्ष पदों पर सीधी भर्ती-2025 हेतु आज दिनांक 14 एवं 15 मार्च 2026 को आयोजित हो रही लिखित परीक्षा को निर्धारित प्रक्रियानुसार सकुशल निर्विघ्न निष्पक्ष नकलविहीन व शुचितापूर्ण ढंग से सम्पन्न कराये जाने के दृष्टिगत पुलिस लाइन में बनाये गये कन्ट्रोल रूम एवं ईश्वर शरण इण्टर कॉलेज सलोरी जगत तारन गर्ल्स इंटर कॉलेज सहित अन्य विद्यालयों में बनाये गये परीक्षा केन्द्रो का औचक निरीक्षण किया तथा सभी सम्बंधित को आवश्यक दिशा निर्देश दिये हैंनिरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने परीक्षा के सकुशल नकलविहीन व सुचितापूर्णढंग से आयोजन के लिए सम्बंधित सेक्टर मजिस्टेट स्टैटिक मजिस्टेट केन्द्र व्यवस्थापक सह केन्द्र व्यवस्थापक को जिम्मेदारी संवेदनशीलता व निर्धारित गाइडलाइन का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिष्चित करते हुए परीक्षा को सम्पन्न कराये जाने के निर्देश दिए।उन्होंने परीक्षा को सकुशल सम्पन्न कराये जाने हेतु नियुक्त सेक्टर मजिस्टेटो को परीक्षा अवधि के दौरान अपने सेक्टर के परीक्षा केन्द्रो पर भ्रमणशील रहकर परीक्षा को सम्पन्न कराने एवं परीक्षा के समाप्ति के उपरांत गोपनीय सामग्री को निर्धारित रूट से ही पुलिस अभिरक्षा में डबल लॉक में जमा कराना सुनिश्चित करने के निर्देश दिये।उन्होंने परीक्षा केन्द्रों पर नियुक्त स्टैटिक मजिस्टेटों एवं केंद्र व्यस्थापक को पुलिस भर्ती बोर्ड द्वारा निर्गत निर्देशों के अनुसार परीक्षा केन्द्रो पर सभी आवश्यक व्यवस्थायें एवं अपेक्षित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।उन्होंने परीक्षा केन्द्रो पर बनाये हुए सीसीटीवी कंट्रोल रूम का निरीक्षण कर कैमरो के माध्यम से हो रही मॉनिटरिंग को देखा।उल्लेखनीय है कि परीक्षा आज दिनांक 14 एवं 15 मार्च को दो सत्रों-प्रथम सत्र में प्रातः 10ः00 बजे से 12ः00 बजे तक तथा द्वितीय सत्र में अपरान्ह 03ः00 बजे से सायं 05ः00 बजे तक आयोजित हो रही है।परीक्षा जनपद प्रयागराज के 43 परीक्षा केन्द्रों में दो सत्रो में आयोजित हो रही है जिसमें चारों पालियों में 53760 अभ्यर्थी पंजीकृत है।

सुलह समझौते के आधार पर 7 दांपत्य परिवारों को विदा किया गया,40  पारिवारिक विवाद निपटाए गए
फर्रुखाबाद l राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण एवं राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में माननीय जनपद न्यायाधीश नीरज कुमार द्वारा राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारम्भ माँ सरस्वती की प्रतिमा पर दीप प्रज्वलित एवं माल्यार्पण कर किया गया। इस दौरान प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय जमशेद अली, पीठासीन अधिकारी मोटर वाहन दुर्घटना अधिकरण  सन्तोष कुमार तिवारी, बार के पदाधिकारी, महासचिव, अन्य न्यायिक अधिकारी, अधिवक्ता, वादकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
राष्ट्रीय लोक अदालत में जनपद के विभिन्न बैंक, विद्युत विभाग, नगर पालिका परिषद एवं अन्य प्रशासनिक विभागों द्वारा अपने-अपने स्टाल लगाकर सम्बन्धित पक्षकारों के समक्ष उनकी सहमति के आधार पर सुलह-सन्धि कराते हुए मामलों का निस्तारण किया गया। 549 बैंक वसूली से सम्बन्धित मामलों को निस्तारित कर 6,32,78,500 रुपये की वसूली धनराशि बैंकों द्वारा प्राप्त की गयी। 60283 विद्युत बिल सम्बन्धी मामलों का निस्तारण किया गया।
जमशेद अली, प्रधान न्यायाधीश, कुटुम्ब न्यायालय द्वारा कुल 40 पारिवारिक/वैवाहिक वादों का निस्तारण किया गया। इसमें से सुलह समझौते के आधार पर 07 जोडे पति-पत्नी को एक साथ रहने के लिए विदा किया गया। पीठासीन अधिकारी मोटर वाहन दुर्घटना प्रतिकर अधिनियम सन्तोष कुमार तिवारी द्वारा 20 वादों का निस्तारण किया गया। श्री नरेश कुमार, अध्यक्ष जिला उपभोक्ता फोरम द्वारा अपने न्यायालय से 13 मामले निस्तारित किये गये।

राष्ट्रीय लोक अदालत में जनपद के विभिन्न न्यायालयों/विभागों/कार्यालयों द्वारा अलग-अलग मामले चिन्हित कर निस्तारित किये गये। कुल चिन्हित लम्बित 4,574 मामलों में से 4,089 तथा प्री-लिटिगेशन के 1,34,764 मामलों में से 13,3,680 मामले निस्तारित किये गये हैं। इस प्रकार कुल 139338 मामलों में से 137769 मामलों का निस्तारण कर कुल 11,91,10,805/- रुपया धनराशि जमा करायी गयी। सभी विभागों एवं अधिकारियों के सहयोग से लक्ष्य से अधिक मुकदमों का निस्तारण किया गया है।

राष्ट्रीय लोक अदालत में उपस्थित होकर सहयोग देने वाले अधिकारी में  शैली रॉय अपर जिला जज प्रथम, अभिनितम उपाध्याय एस.सी./एस.टी. एक्ट/विशेष न्यायाधीश, तरूण कुमार सिंह विशेष न्यायाधीश ई.सी. एक्ट, रितिका त्यागी विशेष न्यायाधीश पाक्सो एक्ट,  दीपेन्द्र कुमार सिंह अपर जिला जज कक्ष संख्या 08, मेराज अहमद अपर जिला जज/पाक्सो एक्ट कक्ष संख्या संदीप तिवारी अपर जिला जज/त्वरित न्यायालय प्रथम, सत्येन्द्र सिंह वर्मा अपर जिला जज त्वरित न्यायालय द्वितीय,अन्जू कम्बोज अपर प्रधान न्यायाधीश,  संजय कुमार षष्ठम अपर जिला जज/नोडल अधिकारी राष्ट्रीय लोक अदालत, घनश्याम शुक्रा, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट,  प्रीतिमाला चतुर्वेदी, सिविल जज व०प्र०, ज्ञानेन्द्र कुमार अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, पीयूश भारतीय रेलवे मजिस्ट्रेट, जयवीर सिंह अपर सिविल जज सी.डि./एसीजेएम/प्रभारी सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, युगुल शम्भू अपर सिविल जज (सी.डि.) आकाश गुप्ता एसीजेएम/एफटीसी, विजय रतन गौतम ग्राम न्यायालय अमृतपुर, ओम चैरसिया सिविल जज सिटी, माला कुमारी सिविल जज (जू.डि.) कायमगंज, सुबुक मुस्कान जेएम सदर, प्रशान्त कौशिक जेएम हवाली, हिमांबू नौटियाल अपर सिविल जज प्रथम, गुलफ्शा अपर सिविल जज द्वितीय, श्वेता कश्यप जेएम, अनामिका अपर सिविल जज, शोभा रानी जेएम,  दीपिका रानी जेएम, ज्योति सागर जेएम/एफटीसी 02, शिवानी सिंह जेएम/एफटीसी, बलवीर सिंह विशेष जेएम एवं अन्य न्यायिक अधिकारीगण, राम सिंह मौर्या, लिपिक जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, कोर्ट मैनेजर व विभिन्न न्यायालयों, बैंकों व विभागों के अधिकारीगण, कर्मचारीगण, परा विधिक स्वयंसेवकगण एवं वादकारीगण उपस्थित रहे।
राष्ट्रीय लोक अदालत के सफल कार्यक्रम के समापन पर नीरज कुमार, जनपद न्यायाधीश एवं संजय कुमार, अपर जिला जज/नोडल अधिकारी जिला विधिक प्राधिकरण फर्रुखाबाद द्वारा आभार व्यक्त किया गया।
डिजिटल इंडिया की नई तस्वीर: रांची में जनगणना 2027 के लिए तीन दिवसीय प्रशिक्षण संपन्न, मोबाइल ऐप से होगी गणना।

समाहरणालय स्थित ब्लॉक-बी में आयोजित तीन दिवसीय विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम का आज सफल समापन हुआ। 12 मार्च से 14 मार्च तक चले इस सत्र में जिले के वरीय अधिकारियों और प्रखंड विकास पदाधिकारियों को जनगणना के प्रथम चरण— 'मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना'—की बारीकियों से अवगत कराया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ उपायुक्त-सह-प्रधान जनगणना पदाधिकारी, श्री मंजूनाथ भजंत्री द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया।

पेपरलेस होगी गणना, मोबाइल ऐप का होगा उपयोग:

इस बार की जनगणना की सबसे बड़ी विशेषता इसका डिजिटल होना है। प्रशिक्षण के दौरान 'House Listing Operation Mobile App' और 'CMMS Web Portal' के उपयोग पर गहन चर्चा की गई। प्रशिक्षकों ने बताया कि डेटा का रीयल-टाइम अपलोड, सत्यापन और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए डिजिटल उपकरणों का सहारा लिया जाएगा। इसके अलावा, आम नागरिक 'स्व-गणना' (Self-Enumeration) की सुविधा के जरिए स्वयं भी अपनी जानकारी पोर्टल पर दर्ज कर सकेंगे।

दो चरणों में संपन्न होगी प्रक्रिया:

प्रशिक्षण में जानकारी दी गई कि जनगणना 2027 दो चरणों में पूरी होगी:

प्रथम चरण: अप्रैल से सितंबर 2026 के बीच मकानों का सूचीकरण किया जाएगा।

द्वितीय चरण: फरवरी 2027 में वास्तविक जनसंख्या गणना होगी, जिसकी संदर्भ तिथि 1 मार्च 2027 निर्धारित है।

अधिकारियों की उपस्थिति:

समापन सत्र में अपर समाहर्ता श्री रामनारायण सिंह, एसडीओ सदर श्री कुमार रजत, एसडीओ बुण्डू श्री किस्टो कुमार बेसरा सहित सभी प्रखंडों के बीडीओ और सांख्यिकी कर्मी मौजूद रहे। जिला सांख्यिकी पदाधिकारी श्री शेषनाथ बैठा ने धन्यवाद ज्ञापन करते हुए कहा कि यह प्रशिक्षण फील्ड वर्क को सटीक और समयबद्ध बनाने में मील का पत्थर साबित होगा।

आवास योजना में बड़ा घोटाला! असली गरीब बाहर, अपात्रों को मकान — प्रधान- सचिव पर गंभीर आरोप, जांच शुरू

करछना में सरकारी योजना की लूट? जिनके पास घर नहीं उन्हें कुछ नहीं, और जिनका नाम तक नहीं उन्हें कॉलोनी — शिकायत पर प्रशासन हरकत में

विश्वनाथ प्रताप सिंह, प्रयागराज। करछना विकास खंड में मुख्यमंत्री आवास योजना को लेकर बड़ा खेल सामने आया है। आरोप है कि जिन गरीबों के नाम सूची में थे उन्हें आज तक कॉलोनी नहीं मिली, जबकि ऐसे लोगों को आवास दे दिया गया जिनका नाम पात्रता सूची में तक नहीं था। पूरे मामले में ग्राम प्रधान और पंचायत सचिव की भूमिका पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। जिलाधिकारी को दी गई शिकायत में अधिवक्ता प्रिन्स कुमार सिंह ने आरोप लगाया है कि ग्राम पंचायत पिपरांव और आसपास के गांवों में योजना के नियमों को पूरी तरह नजरअंदाज किया गया। पात्र लोगों को किनारे कर दिया गया और अपात्र लोगों को फर्जी जाति प्रमाण पत्र लगाकर कोल वर्ग का दिखाकर आवास स्वीकृत करा दिया गया। शिकायत में यह भी कहा गया है कि जिन परिवारों के पास रहने के लिए पक्का मकान नहीं है, वे आज भी इंतजार कर रहे हैं, जबकि कुछ ऐसे लोगों को कॉलोनी दे दी गई जिनका नाम मूल सूची में नहीं था। इससे पूरे चयन प्रक्रिया पर सवाल उठने लगे हैं। फर्जी तरीके से लाभ लेने वालों में आरती पूनम, निवासी पिपरांव, शशि देवी, राधा, निवासी भिटरिया के नाम सामने आए हैं। आरोप है कि इन लोगों को गलत जाति प्रमाण पत्र लगाकर योजना का लाभ दिलाया गया।

मामले की शिकायत मिलने के बाद मुख्य विकास अधिकारी ने जांच के आदेश दे दिए हैं और संबंधित अधिकारियों से पूरी रिपोर्ट मांगी है। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि पात्रता सूची, जाति प्रमाण पत्र, सत्यापन रिपोर्ट और आवास स्वीकृति की पूरी प्रक्रिया की जांच की जाए। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर निष्पक्ष जांच हो जाए तो आवास योजना में बड़ा घोटाला सामने आ सकता है। ग्रामीणों का आरोप है कि बिना मिलीभगत के इस तरह अपात्र लोगों को लाभ मिलना संभव नहीं है। अब देखना यह है कि जांच सिर्फ कागजों तक सीमित रहती है या फिर सच में दोषियों पर कार्रवाई होती है। गांव के लोगों की नजर प्रशासन की जांच पर टिकी हुई है।

आस्था और व्यवस्था, विरासत और विकास के साथ वेटिकन-रोम और येरुशलम से बेहतर बन रहा विंध्याचल धाम:मंत्री श्री ए.के. शर्मा
विरासत के साथ विकास और आस्था के साथ व्यवस्था” की सोच पर आगे बढ़ रहा देश: नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री

नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ने मिर्जापुर में लगभग 2 करोड़ की विकास परियोजनाओं का किया लोकार्पण



मिर्जापुर।14 मार्च 2026 नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए के शर्मा ने मिर्जापुर के अष्टभुजा गेस्ट हाउस परिसर में लगभग दो करोड़ रुपये की लागत से विभिन्न विकास योजनाओं का लोकार्पण किया। इन योजनाओं में पटेल चौराहा का सौंदर्यीकरण, विंध्याचल बरतर में जोनल ऑफिस का निर्माण, ओझला पुल का सुंदरीकरण तथा अहिल्याबाई होल्कर पार्क के निर्माण जैसे महत्वपूर्ण कार्य शामिल हैं। इन परियोजनाओं से शहर की आधारभूत सुविधाओं के साथ-साथ धार्मिक पर्यटन को भी नई गति मिलेगी।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में देश में “विरासत के साथ विकास” और “आस्था के साथ व्यवस्था” की सोच को धरातल पर उतारा जा रहा है। उन्होंने कहा कि श्रद्धा और स्वच्छता, संस्कृति और समृद्धि को साथ लेकर ही भारत को विकसित राष्ट्र बनाया जा सकता है। इसी दृष्टि से धार्मिक और ऐतिहासिक स्थलों का आधुनिक सुविधाओं के साथ विकास किया जा रहा है, ताकि श्रद्धालुओं को बेहतर व्यवस्था और सुविधाएं मिल सकें।

मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि उन्होंने वेटिकन सिटी और रोम जैसे विश्व प्रसिद्ध धार्मिक शहरों को भी देखा है। अपने अनुभव के आधार पर वे कह सकते हैं कि विंध्याचल धाम का विकास जिस प्रकार से हो रहा है, वह इन स्थानों से भी बेहतर और भव्य रूप में सामने आ रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री के नेतृत्व और मार्गदर्शन में वाराणसी अयोध्या और विंध्याचल में कॉरिडोर और आधारभूत ढांचे का जो विकास हुआ है, वह अद्भुत है और अपना विंध्याचल धाम किसी से कम नहीं है।

उन्होंने बताया कि चौबे घाट पर इलेक्ट्रिक शवदाह गृह के निर्माण को मंजूरी मिल चुकी है और घंटाघर क्षेत्र में पक्के घाटों का निर्माण भी कराया जाएगा। ऊर्जा क्षेत्र के विकास का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि मड़िहान तहसील में 765 केवीए का विद्युत उपकेंद्र स्वीकृत हो गया है, जो उत्तर प्रदेश का चौथा 765 केवीए उपकेंद्र होगा। इसके अलावा विंध्याचल विद्युत उपकेंद्र में एक अतिरिक्त 5 एमवीए ट्रांसफार्मर लगाकर क्षमता वृद्धि की गई है तथा 30 वितरण ट्रांसफार्मरों की क्षमता भी बढ़ाई गई है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में विद्युत व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए लगातार सुधारात्मक कदम उठाए जा रहे हैं।

इस अवसर पर विधायक  रत्नाकर मिश्र, विधायक  रमाशंकर सिंह पटेल, पिछड़ा वर्ग आयोग के उपाध्यक्ष  सोहन श्रीमाली, जिला अध्यक्ष  लाल बहादुर सरोज, नगर पालिका परिषद मिर्जापुर के अध्यक्ष श्याम सुंदर केसरी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ने मिर्जापुर में लगभग 2 करोड़ की विकास परियोजनाओं का किया लोकार्पण
*आस्था और व्यवस्था, विरासत और विकास के साथ वेटिकन-रोम और येरुशलम से बेहतर बन रहा विंध्याचल धाम: एके शर्मा

लखनऊ। नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए के शर्मा ने मिर्जापुर के अष्टभुजा गेस्ट हाउस परिसर में लगभग दो करोड़ रुपये की लागत से विभिन्न विकास योजनाओं का लोकार्पण किया। इन योजनाओं में पटेल चौराहा का सौंदर्यीकरण, विंध्याचल बरतर में जोनल ऑफिस का निर्माण, ओझला पुल का सुंदरीकरण तथा अहिल्याबाई होल्कर पार्क के निर्माण जैसे महत्वपूर्ण कार्य शामिल हैं। इन परियोजनाओं से शहर की आधारभूत सुविधाओं के साथ-साथ धार्मिक पर्यटन को भी नई गति मिलेगी।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में देश में “विरासत के साथ विकास” और “आस्था के साथ व्यवस्था” की सोच को धरातल पर उतारा जा रहा है। उन्होंने कहा कि श्रद्धा और स्वच्छता, संस्कृति और समृद्धि को साथ लेकर ही भारत को विकसित राष्ट्र बनाया जा सकता है। इसी दृष्टि से धार्मिक और ऐतिहासिक स्थलों का आधुनिक सुविधाओं के साथ विकास किया जा रहा है, ताकि श्रद्धालुओं को बेहतर व्यवस्था और सुविधाएं मिल सकें।
मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि उन्होंने वेटिकन सिटी और रोम जैसे विश्व प्रसिद्ध धार्मिक शहरों को भी देखा है। अपने अनुभव के आधार पर वे कह सकते हैं कि विंध्याचल धाम का विकास जिस प्रकार से हो रहा है, वह इन स्थानों से भी बेहतर और भव्य रूप में सामने आ रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी और सीएम के नेतृत्व और मार्गदर्शन में वाराणसी, अयोध्या और विंध्याचल में कॉरिडोर और आधारभूत ढांचे का जो विकास हुआ है, वह अद्भुत है और अपना विंध्याचल धाम किसी से कम नहीं है।
उन्होंने बताया कि चौबे घाट पर इलेक्ट्रिक शवदाह गृह के निर्माण को मंजूरी मिल चुकी है और घंटाघर क्षेत्र में पक्के घाटों का निर्माण भी कराया जाएगा। ऊर्जा क्षेत्र के विकास का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि मड़िहान तहसील में 765 केवीए का विद्युत उपकेंद्र स्वीकृत हो गया है, जो उत्तर प्रदेश का चौथा 765 केवीए उपकेंद्र होगा। इसके अलावा विंध्याचल विद्युत उपकेंद्र में एक अतिरिक्त 5 एमवीए ट्रांसफार्मर लगाकर क्षमता वृद्धि की गई है तथा 30 वितरण ट्रांसफार्मरों की क्षमता भी बढ़ाई गई है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में विद्युत व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए लगातार सुधारात्मक कदम उठाए जा रहे हैं।
इस अवसर पर विधायक रत्नाकर मिश्र, विधायक रमाशंकर सिंह पटेल, पिछड़ा वर्ग आयोग के उपाध्यक्ष सोहन श्रीमाली, जिला अध्यक्ष लाल बहादुर सरोज, नगर पालिका परिषद मिर्जापुर के अध्यक्ष श्याम सुंदर केसरी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
गर्मी बढ़ी तो बढ़ा मच्छरों का आतंक निकायों में अभी तक फाॅगिंग नहीं
*117 वार्डों में एक बार फाॅगिंग करने पर 620 लीटर डीजल होता है खर्च*



रिपोर्टर - नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिले में गर्मी का पारा चढ़ने लगा है। तापमान 35.5 डिग्री पार कर चुका है। गर्मी और गदंगी के कारण मच्छरों का आतंक बढ़ गया है। निकायों में गंदगी की भरमार है, इससे तेजी से मच्छर पनप रहे हैं। निकायों में अभी तक फॉगिंग शुरू नहीं हो सकी है। जबकि होली के बाद से शुरू हो जानी चाहिए थी। गंदगी के कारण लोगों को डेंगू, मलेरिया जैसी संक्रमित बीमारी का डर सताने लगा है।निकाय से मिली जानकारी के मुताबिक सात निकाय के 117 वार्ड में एक बार फागिंग कराने पर करीब 620 लीटर डीजल खर्च होते हैं। यानि सातों निकायों में एक बार फागिंंग कराने पर करीब 54560 रुपये खर्च होता है। जलभराव, गंदगी या जहां डेंगू मलेरिया के मरीज मिले हैं। वहां सप्ताह एक बार फॉगिंग होनी चाहिए, लेकिन ऐसा नहीं होता है। महीने में एक बार फॉगिंग कराई जाती है। किसी महीने में चार, तो किसी में पांच सप्ताह पड़ते हैं। हर सप्ताह फॉगिंग कराई जाए, तो ढाई लाख रुपये हर महीने खर्च होगा। मार्च से सितंबर तक फागिंग करानी होती है। इस पर करीब 17 से 18 लाख रुपये खर्च होते हैं। इसके अलावा अधिकारियों के बंगला, मुख्यालय पर अलग से फॉगिंग होती है। इसके लिए निकाय के पास अलग से बजट नहीं है। नगर से जो राजस्व प्राप्त होता है। उसी से फॉगिंग कराई जाती है। जिले में सात निकाय है, इसमें भदोही गोपीगंज, नगर पालिका है। वहीं, ज्ञानपुर, खमरिया, घोसिया, सुरियावां, नई बाजार नगर पंचायत है। निकाय के 117 वार्ड में करीब साढ़े तीन लाख की आबादी निवास करती है। यह आबादी मच्छरों के प्रकोप से परेशान हैं। यहां फॉगिंग के नाम पर हर साल 17 से 18 लाख रुपये खर्च होते हैं, लेकिन शायद एक या दो बार फागिंग कराकर निकाय अपनी जिम्मेदारी पूरी कर लेता है।

लोगों की जेब हो रही ढीली
मच्छरों से बचाव के लिए लोगों की जेब ढीली होने लगी है। बाजार से मच्छररोधी अगरबत्ती, क्वाइल, गुड नाइट लिक्विड खरीदने के लिए लोग विवश हैं। इन मच्छररोधी दवाओं से स्वास्थ्य पर प्रतिकूल असर पड़ता है। एक ओर फॉगिंग नहीं कराई जा रही है। वहीं, दूसरी ओर नगर निकाय क्षेत्रों में मार्गों पर जलभराव, बजबजाती नालियां और खुले में डंप कचरों से लोगों का जीना दुश्वार हो गया है।
कहां कितने वार्ड
निकाय - वार्ड - डीजल की खतप
भदोही - 29 - 150
गोपीगंज - 25 - 135
ज्ञानपुर - 11 - 60
खमरियां - 15 - 75
नई बाजार - 11 - 60
सुरियावां - 13 - 70
घोसिया - 13 - 70
नोट- ये आंकड़े निकाय से मिले हैं।
डेंगू के मरीज
साल - मरीज
2021 - 39
2022 - 101
2023 - 208
2024 - 40
2025 - 60
2026 - अब तक नहीं

निकायों में नियमित फॉगिंग कराने का आदेश है। कुछ निकायों में फॉगिंग कराई जा रही है। जहां नहीं हो रहा है। वहां संबंधित ईओ से बात करके फागिंग कार्य कराया जाएगा।
- धर्मराज सिंह, निकाय नोडल।
अत्याधुनिक छात्रावास एवं तकनीक आधारित शिक्षण सुविधाओं से सुसज्जित आवासीय विद्यालय सरस्वती विद्या मन्दिर विवेकानन्द नगर में 22 मार्च को प्रवेश पर
जनपद सुल्तानपुर की हृदयस्थली में स्थित सरस्वती विद्या मन्दिर वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, ज्ञानकुंज विवेकानन्द नगर (आवासीय) सीबीएसई बोर्ड से मान्यता प्राप्त विद्यालयों में अपनी उत्कृष्ट शैक्षिक परम्परा, अनुशासन एवं संस्कारयुक्त वातावरण के लिए विशेष पहचान रखता है। वर्तमान समय में विद्यालय परिसर में 5000 से अधिक भैया-बहनें आधुनिक संसाधनों के साथ गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं।
विद्यालय में डिजिटल लैब, इंटरैक्टिव पैनल से युक्त स्मार्ट कक्षाएँ, आधुनिक प्रयोगशालाएँ तथा अनुभवी एवं समर्पित आचार्यों का मार्गदर्शन विद्यार्थियों को उच्च स्तरीय शिक्षा प्रदान करता है। इंटरमीडिएट स्तर पर यहाँ गणित, जीवविज्ञान, कॉमर्स एवं मानविकी सभी प्रमुख विषयों की सुव्यवस्थित कक्षाएँ संचालित की जाती हैं।
विद्यालय के प्रधानाचार्य श्री राकेश मणि त्रिपाठी ने जानकारी देते हुए बताया कि आगामी 22 मार्च (रविवार) को प्रातः 10 बजे से कक्षा 6, 9 एवं 11 में प्रवेश हेतु प्रवेश परीक्षा आयोजित की जाएगी। प्रवेश परीक्षा में सम्मिलित होने के इच्छुक विद्यार्थी विद्यालय कार्यालय से प्रवेश फार्म प्राप्त कर सकते हैं।
विद्यालय में कक्षा 6 से 12 तक के विद्यार्थियों (बालकों) के लिए अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित आधुनिक छात्रावास की व्यवस्था उपलब्ध है।
उन्होंने आधुनिक छात्रावास की प्रमुख सुविधाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि हमारे यहां पूर्णतः एयर-कंडीशन्ड आधुनिक छात्रावास है । जहाँ समुचित चिकित्सा सुविधा तथा स्वच्छ एवं पौष्टिक भोजन की व्यवस्था उपलब्ध है।
विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए सुरक्षित, अनुशासित एवं अध्ययन के अनुकूल वातावरण है।
• आचार्यों एवं विद्यार्थियों के बीच वन-टू-वन संवाद एवं विविध क्षेत्रों के विशेषज्ञों द्वारा व्यक्तिगत मार्गदर्शन की भी व्यवस्था है।
स्पोकन इंग्लिश, कम्युनिकेशन स्किल्स एवं पर्सनैलिटी डेवलपमेंट के लिए अतिरिक्त कक्षाएँ संचालित की जाती हैं। नियमित टेस्ट, डाउट-क्लियरिंग सत्र एवं प्रदर्शन का सतत मूल्यांकन हमारा वैशिष्ट्य है।
शैक्षणिक उत्कृष्टता के साथ नैतिक मूल्यों के विकास एवं चरित्र निर्माण पर हम विशेष बल देते हैं।
विद्यार्थियों को नियमित पढ़ाई के साथ-साथ इंजीनियरिंग , मेडिकल एवं अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी सायंकालीन विशेष कक्षाओं के माध्यम से कराई जाती है। समय-समय पर देश के प्रतिष्ठित कोचिंग संस्थानों के विषय विशेषज्ञ भी विद्यार्थियों को मार्गदर्शन प्रदान करते हैं।
विद्यालय के प्रबंधक एवं मेडिकल कॉलेज सुल्तानपुर के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. पवन कुमार सिंह ने कहा कि विद्यालय नई शिक्षा नीति 2020 एवं सीबीएसई के उच्चतम मानकों के अनुरूप विद्यार्थियों को आधुनिक एवं उपयोगी शैक्षिक सुविधाएँ प्रदान करने के लिए सतत प्रयासरत है।
उन्होंने कहा कि हमारा संकल्प है कि हम विद्यार्थियों को अत्याधुनिक तकनीक, उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा तथा श्रेष्ठ संस्कारों से युक्त वातावरण प्रदान करते हुए राष्ट्र के लिए योग्य एवं सक्षम पीढ़ी का निर्माण करते रहें।
“सुल्तानपुर के अंतर्राष्ट्रीय भजन गायक दीनबंधु सिंह 16 मार्च को देव उत्सव 2026 हरिद्वार में भजन प्रस्तुत करेंगे”

उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र, प्रयागराज, संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार, तथा श्री गंगा सभा, रजिस्टर्ड, हरिद्वार, उत्तराखंड के सहयोग से आयोजित देव उत्सव 2026 कार्यक्रम 15 मार्च से 17 मार्च तक सायंकाल 6:00 बजे से घंटाघर, हर की पौड़ी, हरिद्वार में आयोजित किया जा रहा है।
इस उत्सव में सुल्तानपुर जिले के अंतर्राष्ट्रीय भजन गायक दीनबंधु सिंह को अपनी पूरी टीम के साथ 16 मार्च को भजन प्रस्तुत करने का अवसर मिला है। दीनबंधु सिंह की भजनों में आध्यात्मिक ऊर्जा और भारतीय संस्कृति का अद्वितीय संगम देखने को मिलता है, जिससे दर्शक भक्तिभाव में डूब जाते हैं।
उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र, प्रयागराज के निदेशक श्री सुदेश शर्मा ने इस कार्यक्रम की भारतीय संस्कृति से जुड़ी महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों के माध्यम से न केवल आध्यात्मिक उन्नति होती है, बल्कि हमारी सांस्कृतिक विरासत भी जीवंत रहती है। उन्होंने भजनों के माध्यम से जनता में संस्कृति और आध्यात्मिक जागरूकता फैलाने के लिए दीनबंधु सिंह और उनकी टीम की प्रशंसा की।
देव उत्सव 2026 में न केवल भजन प्रस्तुतियों का आनंद लिया जाएगा, बल्कि विभिन्न सांस्कृतिक और धार्मिक गतिविधियाँ भी आयोजित की जाएंगी, जो दर्शकों को भारतीय सांस्कृतिक परंपराओं और आध्यात्मिक अनुभवों से जोड़ेंगी।
संगठन और आयोजकों की ओर से आम जनता से अनुरोध है कि वे इस भव्य उत्सव में अधिकाधिक संख्या में भाग लेकर भारतीय संस्कृति और आध्यात्मिक संगीत का आनंद लें।
पीवीयूएनएल में 55वें राष्ट्रीय सुरक्षा सप्ताह 2026 का समापन समारोह संपन्न

पीवीयूएनएल में 11 मार्च 2026 को 55वें राष्ट्रीय सुरक्षा सप्ताह का समापन समारोह उत्साह एवं सक्रिय भागीदारी के साथ आयोजित किया गया। कार्यक्रम में पीवीयूएनएल के कर्मचारियों, बीएचईएल के अधिकारियों, सीआईएसएफ कर्मियों तथा विभिन्न ठेका एजेंसियों के श्रमिकों ने बड़ी संख्या में भाग लिया।

कार्यक्रम की शुरुआत एजीएम (सेफ्टी) द्वारा सभी अतिथियों के स्वागत के साथ हुई। उन्होंने कार्यस्थल पर शून्य दुर्घटना के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए सतत सुरक्षा जागरूकता और सामूहिक जिम्मेदारी के महत्व पर प्रकाश डाला।

इस अवसर पर पीवीयूएनएल के सीईओ द्वारा सभी उपस्थित कर्मचारियों, अधिकारियों, सीआईएसएफ प्रतिनिधियों और श्रमिकों को सुरक्षा शपथ दिलाई गई, जिसमें सभी ने कार्य के प्रत्येक चरण में सुरक्षा मानकों का पालन करने का संकल्प लिया।

समारोह में सीईओ (पीवीयूएनएल) श्री ए.के. सहगल , श्री बिश्नु दत्ता दास जीएम (प्रोजेक्ट), श्री मनीष खेतरपाल जीएम (ओ एंड एम), डीसी (सीआईएसएफ) तथा पीडी (बीएचईएल) ने प्रेरणादायक संबोधन देते हुए सक्रिय सुरक्षा संस्कृति, सुरक्षा नियमों के कड़ाई से पालन तथा आपसी समन्वय को मजबूत करने पर जोर दिया।

कार्यक्रम के दौरान सेफ्टी सॉन्ग और नुक्कड़ नाटक के माध्यम से सुरक्षित कार्य पद्धतियों के प्रति जागरूकता फैलाने का संदेश दिया गया। इस अवसर पर विभिन्न एजेंसियों के 70 सुरक्षा जागरूक श्रमिकों को सुरक्षित कार्य के प्रति उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित भी किया गया।

कार्यक्रम का समापन राष्ट्रीय सुरक्षा दिवस 2026 की थीम “Engage, Educate & Empower People to Enhance Safety” को दोहराते हुए किया गया, जिसमें सभी को सुरक्षित और दुर्घटना मुक्त कार्यस्थल के निर्माण हेतु निरंतर प्रयास करने का आह्वान किया गया।