समाज को बांटना और तोड़ना, कांग्रेस की फितरत, यह षड्यंत्र सफल नहीं होने देंगे : बाबूलाल मरांडी

नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने कांग्रेस और झामुमो पर आदिवासी समाज को बांटने और तोड़ने की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए तीखा हमला किया है। आदिवासी समागम का विरोध करने को लेकर श्री मरांडी ने कांग्रेस पर पलटवार किया है। उन्होंने इन दलों को चेताते हुए कहा कि समाज को बांटने और मूल आदिवासी अधिकारों को कमजोर करने की उनकी साजिश कतई सफल नहीं होगी। श्री मरांडी भाजपा प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता को संबोधित कर रहे थे।

श्री मरांडी ने कहा कि सरना, सनातन और हिंदू में कोई अंतर नहीं है। बल्कि इनमें समानता है। ये प्रकृति की पूजा करते हैं और पेड़, पहाड़, पत्थर, जल, धरती माता की भी पूजा करते हैं। सरना, सनातन और हिंदू में ही जाति व्यवस्था है। यहां जातियों की अनेकों समूह हैं। यहां 36 कोटि देवी देवता हैं। आदिवासी समाज में देश के अंदर 700 से अधिक जातियां हैं, झारखंड में भी 32-33 जातियां हैं। अपने गांव घरों में इनकी अपनी अपनी देवी देवता हैं। यह जो विविधता में एकता है, इसका समावेश सनातन, हिंदू, सरना में है। जहां इतनी अधिक समानता है वहां पर कांग्रेस और jmm के लोग कहते हैं कि इन्हें हिंदू बनाया जा रहा है। जबकि सच्चाई यह है कि हिंदू बनाने का कहीं कोई परंपरा ही नहीं है। बनाए तो क्रिश्चन और मुसलमान जाते हैं। सरना, सनातन और हिंदू तो पैदाइशी होते हैं।

उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस का इतिहास सभी को पता है। कांग्रेस का गठन करने वाले अंग्रेज रहे हैं। 1857 के सिपाही विद्रोह के बाद ही अंग्रेजों को लगने लगा कि अब देश को संभालना होगा तो एक सेफ्टी वाल्ब के रूप में कांग्रेस पार्टी का गठन किया गया। अंग्रेज ने समाज को विभाजित और तोड़कर, लोगों को आपस में लड़ा कर इस देश पर राज किया। कांग्रेस पार्टी तो उन्हीं के एक मानस पुत्र रहे हैं। इसलिए जब देश स्वतंत्र हुआ तो महात्मा गांधी ने कहा था कि कांग्रेस पार्टी को खत्म कर देनी चाहिए परंतु कांग्रेस ने गांधी जी की बातों को अनसुना कर दिया। अंग्रेजों की "फूट डालो और राज करो" की संस्कृति पर ही कांग्रेस देश में लंबे वर्षों तक कार्य करती रही। अब जब देश से कांग्रेस की विदाई हो रही है तो यह पार्टी समाज को तोड़ने का नया-नया हथकंडा अपना रही है। कांग्रेस पार्टी के नेताओं द्वारा भाजपा व आरएसएस पर आदिवासियों को हिंदू बनाने का लगाया गया आरोप उसी हथकंडा का एक हिस्सा है। समाज को तोड़ना और कुर्सी प्राप्त करना तो कांग्रेस की फितरत है।

श्री मरांडी ने कहा कि कांग्रेस और झामुमो वोट बैंक की राजनीति के लिए आदिवासी समाज में विभाजन पैदा करने का काम कर रहे हैं। राज्य सरकार द्वारा पेसा कानून की नियमावली में आदिवासी परंपराओं और रूढ़िगत व्यवस्था को कमजोर करने का प्रयास किया गया है। जो लोग आदिवासी संस्कृति, आस्था और परंपराओं को बदलने का काम करते हैं, उन पर ये दल मौन रहते हैं। इसलिए कांग्रेस और झामुमो के मुँह से आदिवासी हित की बात शोभा नहीं देती।

श्री मरांडी ने कहा कि जहां 32वां या सुदृढ़ीकरण कर आदिवासियों को क्रिश्चियन बनाया जा रहा है, कलमा पढ़ाकर किसी को मुसलमान बनाया जाता है, लोगों की संस्कृति, परंपरा, विश्वास, आस्था को मिटाने का काम किया जा रहा है, उस मुद्दे पर कांग्रेस और झामुमो के लोग कुछ नहीं बोलते हैं। वोट बैंक की राजनीति के लिए यहां के आदिवासी, जनजाति जो मूल समाज है उनको कैसे समाज से अलग किया जाए, उनमें अलगाव पैदा किया जाए, इसके लिए षड्यंत्र किया जा रहा है, इसे किसी भी कीमत पर सफल नहीं होने दिया जाएगा। सत्ता में बैठे कांग्रेस और jmm के लोग समाज को सिर्फ बांटने तोड़ने का काम कर रहे हैं। इस प्रकार की नीतियां बहुत दिनों तक नहीं चलेगी। बहुत दिनों तक इन दलों ने बरगलाकर समाज को गुमराह किया। अब समाज जागरूक हो चुका है। समाज की अपनी मूल पहचान है, इसे समाज पहचान चुका है।

श्री मरांडी ने कहा कि जितनी भी जनजातियों की पूजा स्थल है, उसको संरक्षित, सुरक्षित और विकसित करने की जरूरत है। जगह-जगह पर सरना मसना, पहनाई की जमीन जमीन बर्बाद हो रही है, माफियाओं के चंगुल में जा रहा है। इसको बचाने और संरक्षित करने की जरूरत है, तभी संस्कृति बचेगी। जब झारखंड बना और हमारी सरकार बनी तो हमने ही जाहेरथान की घेराबंदी शुरू करवाई, मांझी थान बनवाने का काम शुरू हुआ। रघुवर दास की सरकार ने इस काम को आगे बढ़ाया।

इस दौरान प्रदेश उपाध्यक्ष राकेश प्रसाद और प्रदेश प्रवक्ता राफिया नाज भी उपस्थित रही।

गंगा दशहरा पर्व को सकुशल,शांतिपूर्ण एवं सुव्यवस्थित ढंग से सम्पन्न कराने हेतु ड्यूटी में लगे पुलिस बल को किया गया ब्रीफ
सुल्तानपुर,आगामी पवित्र गंगा दशहरा पर्व को सकुशल,शांतिपूर्ण एवं सुव्यवस्थित ढंग से सम्पन्न कराए जाने के उद्देश्य से आज दिनांक 24 मई 2026 को जिलाधिकारी सुलतानपुर इन्द्रजीत सिंह एवं पुलिस अधीक्षक सुलतानपुर चारू निगम  द्वारा ड्यूटी में लगने वाले अधिकारीगण एवं पुलिस कर्मियों को आवश्यक दिशा-निर्देशों के साथ ब्रीफ किया गया।

ब्रीफिंग के दौरान अधिकारियों द्वारा ज्येष्ठ गंगा दशहरा मेला, धोपाप घाट थाना क्षेत्र लम्भुआ के सुचारू संचालन, श्रद्धालुओं की सुरक्षा, भीड़ प्रबंधन एवं यातायात व्यवस्था को प्रभावी बनाए रखने के संबंध में आवश्यक निर्देश दिए गए। मेला क्षेत्र में आने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत रखने, संवेदनशील स्थानों पर विशेष सतर्कता बरतने तथा सभी अधिकारी एवं कर्मचारियों को अपने दायित्वों का पूर्ण निष्ठा के साथ निर्वहन करने हेतु निर्देशित किया गया।

इसके अतिरिक्त यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने, पार्किंग व्यवस्था, घाट क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था, महिला सुरक्षा तथा आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने हेतु समुचित प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। जनपद पुलिस द्वारा श्रद्धालुओं की सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने हेतु व्यापक तैयारियां की गई हैं।

इस दौरान अपर जिलाधिकारी,अपर पुलिस अधीक्षक,सुलतानपुर,    एसडीएम लम्भुआ, क्षेत्राधिकारी लम्भुआ,  क्षेत्राधिकारी लाइन्स, थाना प्रभारी लम्भुाआ,थाना प्रभारी कादीपुर,महिला थाना प्रभारी  व अन्य अधि/कर्म0गण मौजूद रहे।
जनपद में 3 दिन हीट वेव की संभावना जिला प्रशासन ने किया येलो अलर्ट
फर्रुखाबाद l
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण
आगामी तीन दिनों तक लू चलने की संभावना, जिला प्रशासन ने जारी की विस्तृत एडवाइजरी
जनपद में येलो अलर्ट घोषित, आमजन से सतर्कता बरतने की अपील की है l
भारत मौसम विज्ञान विभाग द्वारा जारी प्रभाव आधारित मौसम पूर्वानुमान 24 मई 2026 के अनुसार जनपद फर्रुखाबाद में आगामी तीन दिनों तक भीषण गर्मी एवं लू हीट वेव चलने की प्रबल संभावना व्यक्त की गई है। विभाग द्वारा जनपद के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग के अनुसार इस अवधि में अधिकतम तापमान लगभग 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है, जिससे आम जनजीवन प्रभावित होने की आशंका है।
जिलाधिकारी डॉ अंकुर लाठर के निर्देश पर जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा सभी संबंधित विभागों को आवश्यक सतर्कता एवं बचाव संबंधी दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग, नगर निकाय, पंचायती राज विभाग, विद्युत विभाग, शिक्षा विभाग, राजस्व विभाग एवं आपदा प्रबंधन से जुड़े अधिकारियों को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए गए हैं।
जिला प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि अत्यधिक गर्मी एवं लू को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक सावधानियां अपनाएं तथा बच्चों, बुजुर्गों, गर्भवती महिलाओं एवं पहले से बीमार व्यक्तियों का विशेष ध्यान रखें।
संभावित प्रभाव
मौसम विभाग के अनुसार भीषण गर्मी एवं लू के कारण समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं
अत्यधिक तापमान के कारण लू लगने एवं डिहाइड्रेशन की संभावना
बच्चों, बुजुर्गों एवं गंभीर बीमारियों से पीड़ित व्यक्तियों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव
खेतों एवं खुले स्थानों पर कार्य करने वाले किसानों, श्रमिकों एवं मजदूरों को परेशानी
अत्यधिक पसीना आने से शरीर में पानी एवं लवण की कमी
चक्कर आना, उल्टी, सिर दर्द, थकान एवं बेहोशी जैसी समस्याएं
पशुओं एवं पक्षियों पर भी गर्मी का प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की संभावना
जिला प्रशासन द्वारा जारी महत्वपूर्ण सलाह
जन सामान्य को लू से बचाव हेतु निम्न सावधानियां अपनाने की सलाह दी गई है—
दोपहर 12 बजे से अपराह्न 3 बजे तक अत्यधिक आवश्यकता होने पर ही घर से बाहर निकलें।
बाहर निकलते समय सिर को टोपी, गमछा या कपड़े से ढककर रखें।
पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें, भले ही प्यास न लगी हो।
ORS, नींबू पानी, छाछ, लस्सी एवं अन्य तरल पदार्थों का सेवन करते रहें।
हल्के रंग एवं ढीले सूती कपड़े पहनें।
धूप में निकलते समय छाता या कपड़े का उपयोग करें।
बच्चों एवं बुजुर्गों को बंद वाहनों में अकेला न छोड़ें।
खेतों एवं निर्माण कार्यों में लगे श्रमिक समय-समय पर छायादार स्थान पर विश्राम करें।
घरों एवं कार्यस्थलों पर पर्याप्त वेंटिलेशन एवं पेयजल की व्यवस्था रखें।
पशुओं के लिए भी पर्याप्त पानी एवं छायादार स्थान की व्यवस्था करें।
क्या न करें
तेज धूप में खाली पेट बाहर न जाएं।
अधिक तले-भुने, मसालेदार एवं बासी भोजन का सेवन न करें।
शराब, अत्यधिक चाय, कॉफी एवं कार्बोनेटेड पेय पदार्थों का सेवन कम करें।
लंबे समय तक धूप में लगातार कार्य न करें।
छोटे बच्चों एवं बुजुर्गों को अधिक देर तक खुले में न रहने दें।
लू लगने के लक्षण
यदि किसी व्यक्ति में निम्न लक्षण दिखाई दें तो तुरंत सावधानी बरतें—
तेज बुखार
चक्कर आना
सिर दर्द
उल्टी या जी मिचलाना
अत्यधिक कमजोरी
बेहोशी अथवा भ्रम की स्थिति
प्राथमिक उपचार
यदि किसी व्यक्ति को लू लग जाए तो तुरंत—
उसे छायादार एवं ठंडे स्थान पर लिटाएं।
शरीर एवं सिर पर ठंडे पानी की पट्टियां रखें।
पंखा, कूलर अथवा हवा की व्यवस्था करें।
यदि व्यक्ति होश में हो तो उसे ORS या ठंडा पानी पिलाएं।
स्थिति गंभीर होने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र अथवा अस्पताल पहुंचाएं।
विभागों को जारी निर्देश
जिलाधिकारी द्वारा सभी उपजिलाधिकारियों, खंड विकास अधिकारियों, अधिशासी अधिकारियों एवं संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि—
ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में व्यापक प्रचार-प्रसार कर जनता को जागरूक किया जाए।
सार्वजनिक स्थलों पर पेयजल एवं छायादार स्थानों की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
स्वास्थ्य केंद्रों पर ORS, आवश्यक दवाएं एवं प्राथमिक उपचार की व्यवस्था उपलब्ध रहे।
आशा, आंगनबाड़ी एवं ग्राम स्तर के कर्मचारियों के माध्यम से संवेदनशील वर्गों को जागरूक किया जाए।
विद्यालयों एवं सार्वजनिक संस्थानों में भी गर्मी से बचाव संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन कराया जाए।
आपातकालीन संपर्क सूत्र
जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र – 1077
एम्बुलेंस सेवा – 108
कंट्रोल रूम – 05692-235077
जिला प्रशासन ने जनपदवासियों से अपील की है कि अफवाहों पर ध्यान न दें, मौसम संबंधी आधिकारिक सूचनाओं का पालन करें तथा अत्यधिक गर्मी के दौरान सावधानी बरतते हुए स्वयं एवं अपने परिवार को सुरक्षित रखें।
बकरीद पर्व 2026 को लेकर हजारीबाग पुलिस ने किया मॉक ड्रिल, शांति और सौहार्द बनाए रखने की अपील

हजारीबाग। आगामी बकरीद पर्व 2026 को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने को लेकर हजारीबाग पुलिस पूरी तरह सतर्क नजर आ रही है। पुलिस अधीक्षक हजारीबाग के निर्देशानुसार बरही थाना क्षेत्र के रांची-पटना मार्ग स्थित बरही चौक पर मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया।

मॉक ड्रिल के दौरान अनुमंडल पदाधिकारी बरही एवं पुलिस निरीक्षक सह थाना प्रभारी बरही थाना मौजूद रहे। इस दौरान पुलिस बल ने सुरक्षा व्यवस्था, भीड़ नियंत्रण एवं आपात स्थिति से निपटने की तैयारियों का प्रदर्शन किया। पुलिस अधिकारियों ने मौके पर मौजूद लोगों को सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था को लेकर आवश्यक जानकारी भी दी।

हजारीबाग पुलिस ने आम जनता से अपील करते हुए कहा है कि बकरीद पर्व को भाईचारे, शांति एवं सौहार्द के साथ मनाएं। साथ ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म जैसे व्हाट्सएप, फेसबुक, इंस्टाग्राम एवं यूट्यूब पर किसी भी प्रकार के भ्रामक या अफवाह फैलाने वाले संदेशों पर ध्यान नहीं देने की अपील की गई है।

पुलिस प्रशासन ने कहा कि यदि किसी व्यक्ति को सोशल मीडिया पर कोई संदिग्ध या भ्रामक सूचना प्राप्त होती है, तो उसकी जानकारी तुरंत अपने नजदीकी थाना को दें। सूचना का सत्यापन करते हुए पुलिस द्वारा अविलंब कार्रवाई की जाएगी।

अयोध्या में बनेगा भव्य लव-कुश पार्क, 17.72 करोड़ की लागत से 'कचरे से कला' थीम पर होगा विकास
-रामायण की कहानियों को स्क्रैप मूर्तियों के माध्यम से मिलेगा नया स्वरूप

-मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की स्मार्ट सिटी सोच को मिलेगा नया आयाम

अयोध्या। रामनगरी अयोध्या में पर्यटन और सांस्कृतिक विरासत को नई ऊंचाई देने के लिए एक अनूठी पहल शुरू होने जा रही है। राज्य स्मार्ट सिटी मिशन के तहत रायबरेली राजमार्ग पर स्थित मऊशिवाला एमआरएफ सेंटर के समीप 17.72 करोड़ रुपये की लागत से लव-कुश पार्क का निर्माण किया जाएगा। यह पार्क 'कचरे से कला' थीम पर आधारित होगा, जिसमें रामायण की पौराणिक कथाओं को स्क्रैप धातु की मूर्तियों, कलात्मक चित्रों और इंटरैक्टिव इंस्टालेशन्स के माध्यम से जीवंत किया जाएगा।

नगर निगम द्वारा विकसित किए जा रहे इस पार्क का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण, सतत विकास और सांस्कृतिक संरक्षण को एक साथ जोड़ना है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की स्मार्ट सिटी सोच को इस परियोजना से नया आयाम मिलेगा। नगर आयुक्त जयेंद्र कुमार ने बताया कि पार्क विशेष रूप से भगवान राम के पुत्र लव और कुश की कहानियों पर केंद्रित होगा। रामायण काल की इन लोकप्रिय कथाओं को आधुनिक कला के जरिए प्रस्तुत किया जाएगा, ताकि आने वाली पीढ़ी पौराणिक इतिहास से जुड़ सके। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में अयोध्या को स्मार्ट सिटी बनाने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम है। पहले से ही अयोध्या में इंफ्रास्ट्रक्चर, स्वच्छता और पर्यटन सुविधाओं का तेजी से विकास हो रहा है। लव-कुश पार्क इस विकास की कड़ी को और मजबूत करेगा।

कचरे को कलाकृति में बदलने का अनूठा मॉडल

'कचरे से कला' थीम इस परियोजना की जान है। शहर के कचरे और स्क्रैप मटेरियल को इकट्ठा कर उससे भव्य मूर्तियां, मॉडल और इंस्टालेशन्स तैयार किए जाएंगे। राम-सीता, लव-कुश, अश्वमेध यज्ञ, वनवास की घटनाएं और अन्य महत्वपूर्ण प्रसंग स्क्रैप धातु की मूर्तियों के रूप में दर्शाए जाएंगे। इंटरैक्टिव इंस्टालेशन्स के जरिए पर्यटक स्वयं इन कथाओं का हिस्सा बन सकेंगे। उदाहरण के लिए, लव-कुश द्वारा घोड़े पकड़ने की घटना को 3D मॉडल और साउंड-लाइट शो के माध्यम से दिखाया जाएगा।

छात्रों के लिए विशेष टूर और वर्कशॉप का आयोजन

यह पार्क न केवल दर्शनीय होगा बल्कि शैक्षिक भी होगा। स्कूल और कॉलेज के छात्रों के लिए विशेष टूर और वर्कशॉप का आयोजन किया जाएगा, जिसमें पर्यावरण संरक्षण और अपशिष्ट प्रबंधन पर जागरूकता फैलाई जाएगी। साथ ही, यह साबित करेगा कि कचरा बोझ नहीं, बल्कि संसाधन हो सकता है।

पार्क में होंगी आधुनिक सुविधाएं

अयोध्या में राम मंदिर, हनुमान गढ़ी, कनक भवन जैसे धार्मिक स्थलों के बाद लव-कुश पार्क पर्यटकों के लिए नया आकर्षण केंद्र बनेगा। रामायण की कथाओं से जुड़े श्रद्धालु यहां आकर न केवल आध्यात्मिक अनुभव करेंगे बल्कि पर्यावरण अनुकूल विकास का भी साक्षात्कार करेंगे। पार्क में वॉकवे, गार्डन, बैठने की व्यवस्था, रोशनी और सिक्योरिटी की आधुनिक सुविधाएं होंगी।

राम भक्तों व पर्यटकों के लिए यह नया केंद्र बनेगा

यह परियोजना सार्वजनिक कला, संस्कृति और सतत विकास का अनूठा संगम साबित होगी। आज के समय में जब प्लास्टिक और कचरे की समस्या बढ़ रही है, अयोध्या जैसे पवित्र शहर से 'कचरे से कला' का संदेश पूरे देश को प्रेरित करेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के पार्क न केवल पर्यटन को बढ़ाते हैं बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती देते हैं। नगर निगम के मुताबिक निर्माण कार्य जल्द ही शुरू हो जाएगा। पूरा पार्क पर्यावरण अनुकूल सामग्री से बनाया जाएगा। डिजाइन में रामायण की पारंपरिक शैली को आधुनिक टेक्नोलॉजी के साथ जोड़ा गया है। लव-कुश पार्क अयोध्या को न केवल धार्मिक नगरी के रूप में बल्कि सांस्कृतिक और पर्यावरणीय उत्कृष्टता का प्रतीक भी बनाएगा। राम भक्तों, पर्यटकों, कलाकारों और पर्यावरण प्रेमियों के लिए यह नया केंद्र बनेगा, जो 'कचरे से कला' का जादू दिखाते हुए भगवान राम की नगरी की गरिमा को और बढ़ाएगा।
हीट वेव का अलर्ट, भदोही जिलाधिकारी ने जारी की एडवाइजरी: भीषण गर्मी से बचाव हेतु आमजन व पशुपालकों के लिए विशेष निर्देश जारी

रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। भदोही के जिला मजिस्ट्रेट/जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, शैलेष कुमार ने भीषण गर्मी और हीट वेव के मद्देनजर जनपदवासियों के लिए विशेष एडवाइजरी जारी की है। उत्तर प्रदेश शासन की चेतावनी के अनुसार, आगामी 24 घंटों में भदोही सहित बांदा, चंदौली, चित्रकूट, फतेहपुर, कौशांबी, मिर्जापुर, प्रतापगढ़, प्रयागराज और वाराणसी जनपदों में कहीं-कहीं भीषण लू चलने की संभावना है। यह चेतावनी 24 मई दोपहर 2 बजे से 25 मई दोपहर 2 बजे तक प्रभावी रहेगी।
जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने आमजन से अपील की है कि वे दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें और पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें। उन्होंने हल्के रंग के ढीले एवं सूती वस्त्र पहनने, घरों को ठंडा रखने तथा धूप में कार्य करने वालों को अतिरिक्त पानी एवं विश्राम देने की सलाह दी है।
बच्चों, बुजुर्गों एवं बीमार व्यक्तियों का विशेष ध्यान रखने को कहा गया है। प्रशासन ने नागरिकों को यह भी चेताया है कि बच्चों एवं पालतू जानवरों को बंद वाहनों में न छोड़ें, नंगे पैर बाहर न निकलें तथा सूखे पत्तों को जलाने से बचें।
पशुपालकों के लिए भी विशेष दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। मवेशियों को छायादार स्थान पर रखने, स्वच्छ एवं ठंडा पानी उपलब्ध कराने तथा सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे के बीच उनसे कार्य न लेने की सलाह दी गई है। शेड में पंखे, वाटर स्प्रे एवं फॉगर्स का प्रयोग करने तथा समय-समय पर पानी का छिड़काव करने को कहा गया है।
पशुओं को खनिज मिश्रण, नमक एवं प्रोटीन युक्त पूरक आहार देने की भी सलाह दी गई है।
चक्कर आने अथवा अस्वस्थ महसूस होने पर तत्काल चिकित्सक से संपर्क करने की सलाह दी गई है। आपातकालीन सहायता हेतु जिला प्रशासन द्वारा टोल फ्री नंबर 1077 जारी किया गया है। जिलाधिकारी ने कहा कि सतर्कता एवं सावधानी ही हीट वेव से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय है।
शहीद करतार सिंह सराभा की 129वीं जयंती पर जदयू प्रबुद्ध प्रकोष्ठ ने दी श्रद्धांजलि

_"शेष कटाए भूमि धरे, तापे राखे पांव" - यही था उनका जीवन मंत्र_

*सुलतानपुर*। 24 मई 1896 को लुधियाना के सराभा गांव में जन्मे *शहीद करतार सिंह सराभा* का जीवन देशभक्ति और बलिदान का पर्याय है। जदयू उत्तर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष, प्रबुद्ध प्रकोष्ठ *श्री ओम प्रकाश उपाध्याय* ने उनके 129वें जन्मदिवस पर उन्हें नमन करते हुए कहा कि आज के युवाओं को सराभा जी के आदर्शों से प्रेरणा लेनी चाहिए।

*अमेरिका में जगाया क्रांति का अलख*
1912 में उच्च शिक्षा के लिए अमेरिका गए करतार सिंह सराभा को वहां भारतीयों के साथ हो रहे नस्लीय भेदभाव ने भीतर तक झकझोर दिया। उन्होंने देखा कि जो भारतीय ब्रिटिश साम्राज्य के लिए लड़ रहे हैं, उसी साम्राज्य के देश में उन्हें "दूसरे दर्जे का नागरिक" समझा जाता है। इसी आक्रोश ने उन्हें *गदर पार्टी* से जोड़ दिया।

1913 में गठित गदर पार्टी के वे सबसे युवा और सक्रिय नेता बने। *"गदर" पत्रिका* का संपादन करते हुए उन्होंने पंजाबी, हिंदी और उर्दू में क्रांतिकारी लेख लिखे। उनके लेखों का नारा था - *"हिंदुस्तान आजाद होकर रहेगा"*।

*19 साल की उम्र में फांसी का फंदा चूमा*
1914 में प्रथम विश्व युद्ध शुरू होते ही सराभा जी भारत लौट आए। उनका लक्ष्य था - ब्रिटिश सेना के भारतीय सैनिकों को विद्रोह के लिए तैयार करना। उन्होंने पंजाब के गाँव-गाँव में जाकर किसानों और सैनिकों को अंग्रेजों के खिलाफ एकजुट किया।

लेकिन अंग्रेजों की गुप्तचर एजेंसी ने उनके साथियों को बहला-फुसलाकर उनकी योजना लीक करवा दी। 1915 में ब्रिटिश सरकार ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। महज *19 वर्ष की आयु* में 16 नवंबर 1915 को लाहौर सेंट्रल जेल में उन्हें फांसी दे दी गई।

फांसी से पहले भी उनके चेहरे पर कोई भय नहीं था। वे अक्सर ये पंक्तियां गुनगुनाते थे:
> _"शेष कटाए भूमि धरे, तापे राखे पांव। 
> ऐसा हो तो आओ करतार सिंह सराभा।"_

*भगत सिंह के आदर्श और गुरु*
सरदार भगत सिंह ने सराभा जी को अपना *आदर्श और गुरु* माना था। भगत सिंह ने अपने लेखों में लिखा था कि सराभा जी का बलिदान ही उनके क्रांतिकारी जीवन की प्रेरणा बना।

*ओम प्रकाश उपाध्याय जी ने कहा*: "आज कुछ लोग कहते हैं कि 'दे दी हमें आज़ादी बिना खड़क बिना ढाल, साबरमती के संत तूने कर दिया कमाल'। लेकिन सच ये है कि आजादी करतार सिंह सराभा, भगत सिंह, चंद्रशेखर आजाद जैसे हजारों क्रांतिकारियों के खून और बलिदान से मिली है। इतिहास में उनका नाम स्वर्ण अक्षरों में लिखा जाएगा।"

उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे सराभा जी के आदर्शों पर चलकर देश की एकता और अखंडता के लिए काम करें।
महिला की मौत के बाद जिला अधिकारी ने नगर मजिस्ट्रेट की अध्यक्षता में गठित की टीम, निजी चिकित्सालय को कराया सील, जॉच शुरू
फर्रुखाबाद l जनपद में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता, मरीजों की सुरक्षा तथा निजी चिकित्सालयों के संचालन में निर्धारित मानकों का अनुपालन सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा सतत निरीक्षण एवं निगरानी की कार्रवाई की जा रही है। 23 मई, 2026 को एस०एस० हॉस्पिटल, निकट मसेनी चौराहा, फतेहगढ़ में उपचार के दौरान एक महिला मरीज श्वेता पत्नी अश्वनी निवासी ग्राम राजेपुर, थाना राजेपुर की मृत्यु की सूचना प्राप्त हुई। प्रकरण को जिलाधिकारी डॉ० अंकुर लाठर द्वारा गंभीरता से संज्ञान में लेते हुए तत्काल जांच एवं आवश्यक कार्रवाई के निर्देश प्रदान किए गए।
जिलाधिकारी के निर्देश  पर सिटी मजिस्ट्रेट की अध्यक्षता में एक संयुक्त जांच टीम का गठन किया गया, जिसमें क्षेत्राधिकारी नगर (सी०ओ० सिटी) के साथ कार्यालय मुख्य चिकित्सा अधिकारी से उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ० आर०सी० माथुर एवं डॉ० दीपक कटारिया सहित अन्य संबंधित अधिकारी सम्मिलित रहे। संयुक्त टीम द्वारा मौके पर पहुंचकर एस०एस० हॉस्पिटल का गहन निरीक्षण एवं अभिलेखों की जांच की गई।
निरीक्षण के दौरान चिकित्सालय की ऑपरेशन थियेटर (ओ०टी०) में आवश्यक व्यवस्थाएं निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं पाई गईं। इसके अतिरिक्त मृतका की बी०एच०टी० फाइल अपूर्ण पाई गई तथा मरीज के उपचार संबंधी अभिलेखों में भी आवश्यक प्रविष्टियां एवं चिकित्सकीय विवरण संतोषजनक रूप से उपलब्ध नहीं मिले। जांच के दौरान चिकित्सालय के संचालन में विभिन्न अनियमितताएं परिलक्षित हुईं तथा चिकित्सालय का संचालन शासन द्वारा निर्धारित मानकों एवं नियमों के अनुरूप न पाए जाने पर संयुक्त टीम द्वारा तत्काल प्रभाव से एस०एस० हॉस्पिटल को सील कर दिया गया।
जांच टीम द्वारा चिकित्सालय में उपलब्ध दस्तावेजों, उपचार संबंधी अभिलेखों तथा अन्य आवश्यक साक्ष्यों को सुरक्षित करते हुए विस्तृत जांच प्रारंभ कर दी गई है। प्रकरण में संबंधित चिकित्सालय प्रबंधन एवं उत्तरदायी व्यक्तियों के विरुद्ध नियमानुसार अग्रिम विधिक एवं प्रशासनिक कार्रवाई की जा रही है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि जनपद में संचालित समस्त निजी चिकित्सालयों, नर्सिंग होम एवं क्लीनिकों को शासन द्वारा निर्धारित मानकों, चिकित्सकीय प्रोटोकॉल एवं मरीजों की सुरक्षा संबंधी व्यवस्थाओं का पूर्णतः अनुपालन सुनिश्चित करना अनिवार्य है। किसी भी स्तर पर लापरवाही, मानकों की अनदेखी अथवा अवैध संचालन पाए जाने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
जनसामान्य से अपील की है कि उपचार हेतु पंजीकृत एवं मान्यता प्राप्त चिकित्सालयों में ही चिकित्सा सेवाएं प्राप्त करें, किसी भी प्रकार की चिकित्सकीय अनियमितता की सूचना तत्काल स्वास्थ्य विभाग अथवा जिला प्रशासन को उपलब्ध कराएं, जिससे समय रहते प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
श्री राम कथा में विदाई प्रसंग पर हृदय भाव-विभोर हो उठा: विधायक अनुराग सिंह
मीरजापुर। रविवार को पावन श्रीराम कथा का श्रवण करने आए चुनार विधायक अनुराग सिंह ने कहा कि आज श्री राम कथा में विदाई प्रसंग पर हृदय भाव-विभोर हो उठा। कथा के प्रत्येक प्रसंग ने जीवन में मर्यादा, सेवा, भक्ति और मानवता का संदेश दिया। प्रभु श्रीराम का आदर्श चरित्र हम सभी को सत्य, धर्म और करुणा के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है।
इस दिव्य आयोजन से पूरे क्षेत्र में भक्ति, संस्कार और आध्यात्मिक चेतना का सुंदर वातावरण निर्मित हुआ। कथा वाचक पंडित आचार्य राघवेंद्र जी अध्यक्ष ब्रजराज सेवा ट्रस्ट वृंदावन एवं आयोजक मंडल विजय शंकर पांडे लालबाग कॉलोनी परिवार और समस्त श्रद्धालुजनों का हृदय से अभिनंदन एवं आभार।
प्रभु श्रीराम से प्रार्थना है कि वे सभी के जीवन में सुख, शांति, समृद्धि एवं सद्बुद्धि प्रदान करें। हैहय वंशीय नव युवक कसेरा समाज की अध्यक्ष श्रीमती जाह्नवी कसेरा ने कहा कि राम नाम जीवन का आधार है,और रामकथा आत्मा का उत्सव।
छठवें दिन कथा का श्रवण करने आए मुख्य रूप से उत्तर प्रदेश पिछड़ा वर्ग आयोग के उपाध्यक्ष सोहनलाल श्रीमाली, केबी कॉलेज के प्रवक्ता प्रोफेसर रमेश चंद्र ओझा, कड़ेशंकर पांडे, अमरेंद्र कान्त सिंह, कपिल देव तिवारी, सुभाष चंद्र तिवारी, संकटा प्रसाद तिवारी, मनोज पांडे, अमित पांडे, दिलीप पांडे, रिंकू पांडे आदि उपस्थित रहे।
लखनऊ नगर निगम विवाद खत्म: महापौर ने दिलाई ललित तिवारी को पार्षद पद की शपथ
* शपथ से पहले ललित तिवारी बोले- ‘ये सत्य और संविधान की जीत’

लखनऊ। नगर निगम लखनऊ में पिछले तीन दिनों से चल रही राजनीतिक और प्रशासनिक उठापटक आखिरकार समाप्त हो गई। महापौर ने रविवार सुबह ललित किशोर तिवारी को पार्षद पद की शपथ दिलाई।
गौरतलब है कि शपथ ग्रहण न कराए जाने के मामले में हाईकोर्ट ने महापौर के अधिकारों को फ्रीज कर दिया था, जिसके बाद नगर निगम में मामला लगातार चर्चा का विषय बना हुआ था।

शपथ ग्रहण से पहले ललित किशोर तिवारी ने बड़ा बयान देते हुए कहा, “ये सत्य और संविधान की जीत है।” उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में ऐसी स्थिति नहीं आनी चाहिए।
ललित तिवारी ने कहा,“19 दिसंबर 2025 को मुझे पार्षद घोषित किया गया था। मुझे न्यायालय के आदेश के बाद पार्षद बनाया गया।”
शपथ ग्रहण के साथ ही नगर निगम में चल रहा विवाद फिलहाल शांत होता दिखाई दे रहा है। हालांकि, पूरे घटनाक्रम ने नगर निगम की कार्यप्रणाली और प्रशासनिक प्रक्रियाओं को लेकर कई सवाल भी खड़े किए हैं।
समाज को बांटना और तोड़ना, कांग्रेस की फितरत, यह षड्यंत्र सफल नहीं होने देंगे : बाबूलाल मरांडी

नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने कांग्रेस और झामुमो पर आदिवासी समाज को बांटने और तोड़ने की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए तीखा हमला किया है। आदिवासी समागम का विरोध करने को लेकर श्री मरांडी ने कांग्रेस पर पलटवार किया है। उन्होंने इन दलों को चेताते हुए कहा कि समाज को बांटने और मूल आदिवासी अधिकारों को कमजोर करने की उनकी साजिश कतई सफल नहीं होगी। श्री मरांडी भाजपा प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता को संबोधित कर रहे थे।

श्री मरांडी ने कहा कि सरना, सनातन और हिंदू में कोई अंतर नहीं है। बल्कि इनमें समानता है। ये प्रकृति की पूजा करते हैं और पेड़, पहाड़, पत्थर, जल, धरती माता की भी पूजा करते हैं। सरना, सनातन और हिंदू में ही जाति व्यवस्था है। यहां जातियों की अनेकों समूह हैं। यहां 36 कोटि देवी देवता हैं। आदिवासी समाज में देश के अंदर 700 से अधिक जातियां हैं, झारखंड में भी 32-33 जातियां हैं। अपने गांव घरों में इनकी अपनी अपनी देवी देवता हैं। यह जो विविधता में एकता है, इसका समावेश सनातन, हिंदू, सरना में है। जहां इतनी अधिक समानता है वहां पर कांग्रेस और jmm के लोग कहते हैं कि इन्हें हिंदू बनाया जा रहा है। जबकि सच्चाई यह है कि हिंदू बनाने का कहीं कोई परंपरा ही नहीं है। बनाए तो क्रिश्चन और मुसलमान जाते हैं। सरना, सनातन और हिंदू तो पैदाइशी होते हैं।

उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस का इतिहास सभी को पता है। कांग्रेस का गठन करने वाले अंग्रेज रहे हैं। 1857 के सिपाही विद्रोह के बाद ही अंग्रेजों को लगने लगा कि अब देश को संभालना होगा तो एक सेफ्टी वाल्ब के रूप में कांग्रेस पार्टी का गठन किया गया। अंग्रेज ने समाज को विभाजित और तोड़कर, लोगों को आपस में लड़ा कर इस देश पर राज किया। कांग्रेस पार्टी तो उन्हीं के एक मानस पुत्र रहे हैं। इसलिए जब देश स्वतंत्र हुआ तो महात्मा गांधी ने कहा था कि कांग्रेस पार्टी को खत्म कर देनी चाहिए परंतु कांग्रेस ने गांधी जी की बातों को अनसुना कर दिया। अंग्रेजों की "फूट डालो और राज करो" की संस्कृति पर ही कांग्रेस देश में लंबे वर्षों तक कार्य करती रही। अब जब देश से कांग्रेस की विदाई हो रही है तो यह पार्टी समाज को तोड़ने का नया-नया हथकंडा अपना रही है। कांग्रेस पार्टी के नेताओं द्वारा भाजपा व आरएसएस पर आदिवासियों को हिंदू बनाने का लगाया गया आरोप उसी हथकंडा का एक हिस्सा है। समाज को तोड़ना और कुर्सी प्राप्त करना तो कांग्रेस की फितरत है।

श्री मरांडी ने कहा कि कांग्रेस और झामुमो वोट बैंक की राजनीति के लिए आदिवासी समाज में विभाजन पैदा करने का काम कर रहे हैं। राज्य सरकार द्वारा पेसा कानून की नियमावली में आदिवासी परंपराओं और रूढ़िगत व्यवस्था को कमजोर करने का प्रयास किया गया है। जो लोग आदिवासी संस्कृति, आस्था और परंपराओं को बदलने का काम करते हैं, उन पर ये दल मौन रहते हैं। इसलिए कांग्रेस और झामुमो के मुँह से आदिवासी हित की बात शोभा नहीं देती।

श्री मरांडी ने कहा कि जहां 32वां या सुदृढ़ीकरण कर आदिवासियों को क्रिश्चियन बनाया जा रहा है, कलमा पढ़ाकर किसी को मुसलमान बनाया जाता है, लोगों की संस्कृति, परंपरा, विश्वास, आस्था को मिटाने का काम किया जा रहा है, उस मुद्दे पर कांग्रेस और झामुमो के लोग कुछ नहीं बोलते हैं। वोट बैंक की राजनीति के लिए यहां के आदिवासी, जनजाति जो मूल समाज है उनको कैसे समाज से अलग किया जाए, उनमें अलगाव पैदा किया जाए, इसके लिए षड्यंत्र किया जा रहा है, इसे किसी भी कीमत पर सफल नहीं होने दिया जाएगा। सत्ता में बैठे कांग्रेस और jmm के लोग समाज को सिर्फ बांटने तोड़ने का काम कर रहे हैं। इस प्रकार की नीतियां बहुत दिनों तक नहीं चलेगी। बहुत दिनों तक इन दलों ने बरगलाकर समाज को गुमराह किया। अब समाज जागरूक हो चुका है। समाज की अपनी मूल पहचान है, इसे समाज पहचान चुका है।

श्री मरांडी ने कहा कि जितनी भी जनजातियों की पूजा स्थल है, उसको संरक्षित, सुरक्षित और विकसित करने की जरूरत है। जगह-जगह पर सरना मसना, पहनाई की जमीन जमीन बर्बाद हो रही है, माफियाओं के चंगुल में जा रहा है। इसको बचाने और संरक्षित करने की जरूरत है, तभी संस्कृति बचेगी। जब झारखंड बना और हमारी सरकार बनी तो हमने ही जाहेरथान की घेराबंदी शुरू करवाई, मांझी थान बनवाने का काम शुरू हुआ। रघुवर दास की सरकार ने इस काम को आगे बढ़ाया।

इस दौरान प्रदेश उपाध्यक्ष राकेश प्रसाद और प्रदेश प्रवक्ता राफिया नाज भी उपस्थित रही।

गंगा दशहरा पर्व को सकुशल,शांतिपूर्ण एवं सुव्यवस्थित ढंग से सम्पन्न कराने हेतु ड्यूटी में लगे पुलिस बल को किया गया ब्रीफ
सुल्तानपुर,आगामी पवित्र गंगा दशहरा पर्व को सकुशल,शांतिपूर्ण एवं सुव्यवस्थित ढंग से सम्पन्न कराए जाने के उद्देश्य से आज दिनांक 24 मई 2026 को जिलाधिकारी सुलतानपुर इन्द्रजीत सिंह एवं पुलिस अधीक्षक सुलतानपुर चारू निगम  द्वारा ड्यूटी में लगने वाले अधिकारीगण एवं पुलिस कर्मियों को आवश्यक दिशा-निर्देशों के साथ ब्रीफ किया गया।

ब्रीफिंग के दौरान अधिकारियों द्वारा ज्येष्ठ गंगा दशहरा मेला, धोपाप घाट थाना क्षेत्र लम्भुआ के सुचारू संचालन, श्रद्धालुओं की सुरक्षा, भीड़ प्रबंधन एवं यातायात व्यवस्था को प्रभावी बनाए रखने के संबंध में आवश्यक निर्देश दिए गए। मेला क्षेत्र में आने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत रखने, संवेदनशील स्थानों पर विशेष सतर्कता बरतने तथा सभी अधिकारी एवं कर्मचारियों को अपने दायित्वों का पूर्ण निष्ठा के साथ निर्वहन करने हेतु निर्देशित किया गया।

इसके अतिरिक्त यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने, पार्किंग व्यवस्था, घाट क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था, महिला सुरक्षा तथा आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने हेतु समुचित प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। जनपद पुलिस द्वारा श्रद्धालुओं की सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने हेतु व्यापक तैयारियां की गई हैं।

इस दौरान अपर जिलाधिकारी,अपर पुलिस अधीक्षक,सुलतानपुर,    एसडीएम लम्भुआ, क्षेत्राधिकारी लम्भुआ,  क्षेत्राधिकारी लाइन्स, थाना प्रभारी लम्भुाआ,थाना प्रभारी कादीपुर,महिला थाना प्रभारी  व अन्य अधि/कर्म0गण मौजूद रहे।
जनपद में 3 दिन हीट वेव की संभावना जिला प्रशासन ने किया येलो अलर्ट
फर्रुखाबाद l
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण
आगामी तीन दिनों तक लू चलने की संभावना, जिला प्रशासन ने जारी की विस्तृत एडवाइजरी
जनपद में येलो अलर्ट घोषित, आमजन से सतर्कता बरतने की अपील की है l
भारत मौसम विज्ञान विभाग द्वारा जारी प्रभाव आधारित मौसम पूर्वानुमान 24 मई 2026 के अनुसार जनपद फर्रुखाबाद में आगामी तीन दिनों तक भीषण गर्मी एवं लू हीट वेव चलने की प्रबल संभावना व्यक्त की गई है। विभाग द्वारा जनपद के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग के अनुसार इस अवधि में अधिकतम तापमान लगभग 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है, जिससे आम जनजीवन प्रभावित होने की आशंका है।
जिलाधिकारी डॉ अंकुर लाठर के निर्देश पर जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा सभी संबंधित विभागों को आवश्यक सतर्कता एवं बचाव संबंधी दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग, नगर निकाय, पंचायती राज विभाग, विद्युत विभाग, शिक्षा विभाग, राजस्व विभाग एवं आपदा प्रबंधन से जुड़े अधिकारियों को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए गए हैं।
जिला प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि अत्यधिक गर्मी एवं लू को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक सावधानियां अपनाएं तथा बच्चों, बुजुर्गों, गर्भवती महिलाओं एवं पहले से बीमार व्यक्तियों का विशेष ध्यान रखें।
संभावित प्रभाव
मौसम विभाग के अनुसार भीषण गर्मी एवं लू के कारण समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं
अत्यधिक तापमान के कारण लू लगने एवं डिहाइड्रेशन की संभावना
बच्चों, बुजुर्गों एवं गंभीर बीमारियों से पीड़ित व्यक्तियों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव
खेतों एवं खुले स्थानों पर कार्य करने वाले किसानों, श्रमिकों एवं मजदूरों को परेशानी
अत्यधिक पसीना आने से शरीर में पानी एवं लवण की कमी
चक्कर आना, उल्टी, सिर दर्द, थकान एवं बेहोशी जैसी समस्याएं
पशुओं एवं पक्षियों पर भी गर्मी का प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की संभावना
जिला प्रशासन द्वारा जारी महत्वपूर्ण सलाह
जन सामान्य को लू से बचाव हेतु निम्न सावधानियां अपनाने की सलाह दी गई है—
दोपहर 12 बजे से अपराह्न 3 बजे तक अत्यधिक आवश्यकता होने पर ही घर से बाहर निकलें।
बाहर निकलते समय सिर को टोपी, गमछा या कपड़े से ढककर रखें।
पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें, भले ही प्यास न लगी हो।
ORS, नींबू पानी, छाछ, लस्सी एवं अन्य तरल पदार्थों का सेवन करते रहें।
हल्के रंग एवं ढीले सूती कपड़े पहनें।
धूप में निकलते समय छाता या कपड़े का उपयोग करें।
बच्चों एवं बुजुर्गों को बंद वाहनों में अकेला न छोड़ें।
खेतों एवं निर्माण कार्यों में लगे श्रमिक समय-समय पर छायादार स्थान पर विश्राम करें।
घरों एवं कार्यस्थलों पर पर्याप्त वेंटिलेशन एवं पेयजल की व्यवस्था रखें।
पशुओं के लिए भी पर्याप्त पानी एवं छायादार स्थान की व्यवस्था करें।
क्या न करें
तेज धूप में खाली पेट बाहर न जाएं।
अधिक तले-भुने, मसालेदार एवं बासी भोजन का सेवन न करें।
शराब, अत्यधिक चाय, कॉफी एवं कार्बोनेटेड पेय पदार्थों का सेवन कम करें।
लंबे समय तक धूप में लगातार कार्य न करें।
छोटे बच्चों एवं बुजुर्गों को अधिक देर तक खुले में न रहने दें।
लू लगने के लक्षण
यदि किसी व्यक्ति में निम्न लक्षण दिखाई दें तो तुरंत सावधानी बरतें—
तेज बुखार
चक्कर आना
सिर दर्द
उल्टी या जी मिचलाना
अत्यधिक कमजोरी
बेहोशी अथवा भ्रम की स्थिति
प्राथमिक उपचार
यदि किसी व्यक्ति को लू लग जाए तो तुरंत—
उसे छायादार एवं ठंडे स्थान पर लिटाएं।
शरीर एवं सिर पर ठंडे पानी की पट्टियां रखें।
पंखा, कूलर अथवा हवा की व्यवस्था करें।
यदि व्यक्ति होश में हो तो उसे ORS या ठंडा पानी पिलाएं।
स्थिति गंभीर होने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र अथवा अस्पताल पहुंचाएं।
विभागों को जारी निर्देश
जिलाधिकारी द्वारा सभी उपजिलाधिकारियों, खंड विकास अधिकारियों, अधिशासी अधिकारियों एवं संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि—
ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में व्यापक प्रचार-प्रसार कर जनता को जागरूक किया जाए।
सार्वजनिक स्थलों पर पेयजल एवं छायादार स्थानों की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
स्वास्थ्य केंद्रों पर ORS, आवश्यक दवाएं एवं प्राथमिक उपचार की व्यवस्था उपलब्ध रहे।
आशा, आंगनबाड़ी एवं ग्राम स्तर के कर्मचारियों के माध्यम से संवेदनशील वर्गों को जागरूक किया जाए।
विद्यालयों एवं सार्वजनिक संस्थानों में भी गर्मी से बचाव संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन कराया जाए।
आपातकालीन संपर्क सूत्र
जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र – 1077
एम्बुलेंस सेवा – 108
कंट्रोल रूम – 05692-235077
जिला प्रशासन ने जनपदवासियों से अपील की है कि अफवाहों पर ध्यान न दें, मौसम संबंधी आधिकारिक सूचनाओं का पालन करें तथा अत्यधिक गर्मी के दौरान सावधानी बरतते हुए स्वयं एवं अपने परिवार को सुरक्षित रखें।
बकरीद पर्व 2026 को लेकर हजारीबाग पुलिस ने किया मॉक ड्रिल, शांति और सौहार्द बनाए रखने की अपील

हजारीबाग। आगामी बकरीद पर्व 2026 को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने को लेकर हजारीबाग पुलिस पूरी तरह सतर्क नजर आ रही है। पुलिस अधीक्षक हजारीबाग के निर्देशानुसार बरही थाना क्षेत्र के रांची-पटना मार्ग स्थित बरही चौक पर मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया।

मॉक ड्रिल के दौरान अनुमंडल पदाधिकारी बरही एवं पुलिस निरीक्षक सह थाना प्रभारी बरही थाना मौजूद रहे। इस दौरान पुलिस बल ने सुरक्षा व्यवस्था, भीड़ नियंत्रण एवं आपात स्थिति से निपटने की तैयारियों का प्रदर्शन किया। पुलिस अधिकारियों ने मौके पर मौजूद लोगों को सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था को लेकर आवश्यक जानकारी भी दी।

हजारीबाग पुलिस ने आम जनता से अपील करते हुए कहा है कि बकरीद पर्व को भाईचारे, शांति एवं सौहार्द के साथ मनाएं। साथ ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म जैसे व्हाट्सएप, फेसबुक, इंस्टाग्राम एवं यूट्यूब पर किसी भी प्रकार के भ्रामक या अफवाह फैलाने वाले संदेशों पर ध्यान नहीं देने की अपील की गई है।

पुलिस प्रशासन ने कहा कि यदि किसी व्यक्ति को सोशल मीडिया पर कोई संदिग्ध या भ्रामक सूचना प्राप्त होती है, तो उसकी जानकारी तुरंत अपने नजदीकी थाना को दें। सूचना का सत्यापन करते हुए पुलिस द्वारा अविलंब कार्रवाई की जाएगी।

अयोध्या में बनेगा भव्य लव-कुश पार्क, 17.72 करोड़ की लागत से 'कचरे से कला' थीम पर होगा विकास
-रामायण की कहानियों को स्क्रैप मूर्तियों के माध्यम से मिलेगा नया स्वरूप

-मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की स्मार्ट सिटी सोच को मिलेगा नया आयाम

अयोध्या। रामनगरी अयोध्या में पर्यटन और सांस्कृतिक विरासत को नई ऊंचाई देने के लिए एक अनूठी पहल शुरू होने जा रही है। राज्य स्मार्ट सिटी मिशन के तहत रायबरेली राजमार्ग पर स्थित मऊशिवाला एमआरएफ सेंटर के समीप 17.72 करोड़ रुपये की लागत से लव-कुश पार्क का निर्माण किया जाएगा। यह पार्क 'कचरे से कला' थीम पर आधारित होगा, जिसमें रामायण की पौराणिक कथाओं को स्क्रैप धातु की मूर्तियों, कलात्मक चित्रों और इंटरैक्टिव इंस्टालेशन्स के माध्यम से जीवंत किया जाएगा।

नगर निगम द्वारा विकसित किए जा रहे इस पार्क का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण, सतत विकास और सांस्कृतिक संरक्षण को एक साथ जोड़ना है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की स्मार्ट सिटी सोच को इस परियोजना से नया आयाम मिलेगा। नगर आयुक्त जयेंद्र कुमार ने बताया कि पार्क विशेष रूप से भगवान राम के पुत्र लव और कुश की कहानियों पर केंद्रित होगा। रामायण काल की इन लोकप्रिय कथाओं को आधुनिक कला के जरिए प्रस्तुत किया जाएगा, ताकि आने वाली पीढ़ी पौराणिक इतिहास से जुड़ सके। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में अयोध्या को स्मार्ट सिटी बनाने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम है। पहले से ही अयोध्या में इंफ्रास्ट्रक्चर, स्वच्छता और पर्यटन सुविधाओं का तेजी से विकास हो रहा है। लव-कुश पार्क इस विकास की कड़ी को और मजबूत करेगा।

कचरे को कलाकृति में बदलने का अनूठा मॉडल

'कचरे से कला' थीम इस परियोजना की जान है। शहर के कचरे और स्क्रैप मटेरियल को इकट्ठा कर उससे भव्य मूर्तियां, मॉडल और इंस्टालेशन्स तैयार किए जाएंगे। राम-सीता, लव-कुश, अश्वमेध यज्ञ, वनवास की घटनाएं और अन्य महत्वपूर्ण प्रसंग स्क्रैप धातु की मूर्तियों के रूप में दर्शाए जाएंगे। इंटरैक्टिव इंस्टालेशन्स के जरिए पर्यटक स्वयं इन कथाओं का हिस्सा बन सकेंगे। उदाहरण के लिए, लव-कुश द्वारा घोड़े पकड़ने की घटना को 3D मॉडल और साउंड-लाइट शो के माध्यम से दिखाया जाएगा।

छात्रों के लिए विशेष टूर और वर्कशॉप का आयोजन

यह पार्क न केवल दर्शनीय होगा बल्कि शैक्षिक भी होगा। स्कूल और कॉलेज के छात्रों के लिए विशेष टूर और वर्कशॉप का आयोजन किया जाएगा, जिसमें पर्यावरण संरक्षण और अपशिष्ट प्रबंधन पर जागरूकता फैलाई जाएगी। साथ ही, यह साबित करेगा कि कचरा बोझ नहीं, बल्कि संसाधन हो सकता है।

पार्क में होंगी आधुनिक सुविधाएं

अयोध्या में राम मंदिर, हनुमान गढ़ी, कनक भवन जैसे धार्मिक स्थलों के बाद लव-कुश पार्क पर्यटकों के लिए नया आकर्षण केंद्र बनेगा। रामायण की कथाओं से जुड़े श्रद्धालु यहां आकर न केवल आध्यात्मिक अनुभव करेंगे बल्कि पर्यावरण अनुकूल विकास का भी साक्षात्कार करेंगे। पार्क में वॉकवे, गार्डन, बैठने की व्यवस्था, रोशनी और सिक्योरिटी की आधुनिक सुविधाएं होंगी।

राम भक्तों व पर्यटकों के लिए यह नया केंद्र बनेगा

यह परियोजना सार्वजनिक कला, संस्कृति और सतत विकास का अनूठा संगम साबित होगी। आज के समय में जब प्लास्टिक और कचरे की समस्या बढ़ रही है, अयोध्या जैसे पवित्र शहर से 'कचरे से कला' का संदेश पूरे देश को प्रेरित करेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के पार्क न केवल पर्यटन को बढ़ाते हैं बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती देते हैं। नगर निगम के मुताबिक निर्माण कार्य जल्द ही शुरू हो जाएगा। पूरा पार्क पर्यावरण अनुकूल सामग्री से बनाया जाएगा। डिजाइन में रामायण की पारंपरिक शैली को आधुनिक टेक्नोलॉजी के साथ जोड़ा गया है। लव-कुश पार्क अयोध्या को न केवल धार्मिक नगरी के रूप में बल्कि सांस्कृतिक और पर्यावरणीय उत्कृष्टता का प्रतीक भी बनाएगा। राम भक्तों, पर्यटकों, कलाकारों और पर्यावरण प्रेमियों के लिए यह नया केंद्र बनेगा, जो 'कचरे से कला' का जादू दिखाते हुए भगवान राम की नगरी की गरिमा को और बढ़ाएगा।
हीट वेव का अलर्ट, भदोही जिलाधिकारी ने जारी की एडवाइजरी: भीषण गर्मी से बचाव हेतु आमजन व पशुपालकों के लिए विशेष निर्देश जारी

रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। भदोही के जिला मजिस्ट्रेट/जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, शैलेष कुमार ने भीषण गर्मी और हीट वेव के मद्देनजर जनपदवासियों के लिए विशेष एडवाइजरी जारी की है। उत्तर प्रदेश शासन की चेतावनी के अनुसार, आगामी 24 घंटों में भदोही सहित बांदा, चंदौली, चित्रकूट, फतेहपुर, कौशांबी, मिर्जापुर, प्रतापगढ़, प्रयागराज और वाराणसी जनपदों में कहीं-कहीं भीषण लू चलने की संभावना है। यह चेतावनी 24 मई दोपहर 2 बजे से 25 मई दोपहर 2 बजे तक प्रभावी रहेगी।
जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने आमजन से अपील की है कि वे दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें और पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें। उन्होंने हल्के रंग के ढीले एवं सूती वस्त्र पहनने, घरों को ठंडा रखने तथा धूप में कार्य करने वालों को अतिरिक्त पानी एवं विश्राम देने की सलाह दी है।
बच्चों, बुजुर्गों एवं बीमार व्यक्तियों का विशेष ध्यान रखने को कहा गया है। प्रशासन ने नागरिकों को यह भी चेताया है कि बच्चों एवं पालतू जानवरों को बंद वाहनों में न छोड़ें, नंगे पैर बाहर न निकलें तथा सूखे पत्तों को जलाने से बचें।
पशुपालकों के लिए भी विशेष दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। मवेशियों को छायादार स्थान पर रखने, स्वच्छ एवं ठंडा पानी उपलब्ध कराने तथा सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे के बीच उनसे कार्य न लेने की सलाह दी गई है। शेड में पंखे, वाटर स्प्रे एवं फॉगर्स का प्रयोग करने तथा समय-समय पर पानी का छिड़काव करने को कहा गया है।
पशुओं को खनिज मिश्रण, नमक एवं प्रोटीन युक्त पूरक आहार देने की भी सलाह दी गई है।
चक्कर आने अथवा अस्वस्थ महसूस होने पर तत्काल चिकित्सक से संपर्क करने की सलाह दी गई है। आपातकालीन सहायता हेतु जिला प्रशासन द्वारा टोल फ्री नंबर 1077 जारी किया गया है। जिलाधिकारी ने कहा कि सतर्कता एवं सावधानी ही हीट वेव से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय है।
शहीद करतार सिंह सराभा की 129वीं जयंती पर जदयू प्रबुद्ध प्रकोष्ठ ने दी श्रद्धांजलि

_"शेष कटाए भूमि धरे, तापे राखे पांव" - यही था उनका जीवन मंत्र_

*सुलतानपुर*। 24 मई 1896 को लुधियाना के सराभा गांव में जन्मे *शहीद करतार सिंह सराभा* का जीवन देशभक्ति और बलिदान का पर्याय है। जदयू उत्तर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष, प्रबुद्ध प्रकोष्ठ *श्री ओम प्रकाश उपाध्याय* ने उनके 129वें जन्मदिवस पर उन्हें नमन करते हुए कहा कि आज के युवाओं को सराभा जी के आदर्शों से प्रेरणा लेनी चाहिए।

*अमेरिका में जगाया क्रांति का अलख*
1912 में उच्च शिक्षा के लिए अमेरिका गए करतार सिंह सराभा को वहां भारतीयों के साथ हो रहे नस्लीय भेदभाव ने भीतर तक झकझोर दिया। उन्होंने देखा कि जो भारतीय ब्रिटिश साम्राज्य के लिए लड़ रहे हैं, उसी साम्राज्य के देश में उन्हें "दूसरे दर्जे का नागरिक" समझा जाता है। इसी आक्रोश ने उन्हें *गदर पार्टी* से जोड़ दिया।

1913 में गठित गदर पार्टी के वे सबसे युवा और सक्रिय नेता बने। *"गदर" पत्रिका* का संपादन करते हुए उन्होंने पंजाबी, हिंदी और उर्दू में क्रांतिकारी लेख लिखे। उनके लेखों का नारा था - *"हिंदुस्तान आजाद होकर रहेगा"*।

*19 साल की उम्र में फांसी का फंदा चूमा*
1914 में प्रथम विश्व युद्ध शुरू होते ही सराभा जी भारत लौट आए। उनका लक्ष्य था - ब्रिटिश सेना के भारतीय सैनिकों को विद्रोह के लिए तैयार करना। उन्होंने पंजाब के गाँव-गाँव में जाकर किसानों और सैनिकों को अंग्रेजों के खिलाफ एकजुट किया।

लेकिन अंग्रेजों की गुप्तचर एजेंसी ने उनके साथियों को बहला-फुसलाकर उनकी योजना लीक करवा दी। 1915 में ब्रिटिश सरकार ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। महज *19 वर्ष की आयु* में 16 नवंबर 1915 को लाहौर सेंट्रल जेल में उन्हें फांसी दे दी गई।

फांसी से पहले भी उनके चेहरे पर कोई भय नहीं था। वे अक्सर ये पंक्तियां गुनगुनाते थे:
> _"शेष कटाए भूमि धरे, तापे राखे पांव। 
> ऐसा हो तो आओ करतार सिंह सराभा।"_

*भगत सिंह के आदर्श और गुरु*
सरदार भगत सिंह ने सराभा जी को अपना *आदर्श और गुरु* माना था। भगत सिंह ने अपने लेखों में लिखा था कि सराभा जी का बलिदान ही उनके क्रांतिकारी जीवन की प्रेरणा बना।

*ओम प्रकाश उपाध्याय जी ने कहा*: "आज कुछ लोग कहते हैं कि 'दे दी हमें आज़ादी बिना खड़क बिना ढाल, साबरमती के संत तूने कर दिया कमाल'। लेकिन सच ये है कि आजादी करतार सिंह सराभा, भगत सिंह, चंद्रशेखर आजाद जैसे हजारों क्रांतिकारियों के खून और बलिदान से मिली है। इतिहास में उनका नाम स्वर्ण अक्षरों में लिखा जाएगा।"

उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे सराभा जी के आदर्शों पर चलकर देश की एकता और अखंडता के लिए काम करें।
महिला की मौत के बाद जिला अधिकारी ने नगर मजिस्ट्रेट की अध्यक्षता में गठित की टीम, निजी चिकित्सालय को कराया सील, जॉच शुरू
फर्रुखाबाद l जनपद में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता, मरीजों की सुरक्षा तथा निजी चिकित्सालयों के संचालन में निर्धारित मानकों का अनुपालन सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा सतत निरीक्षण एवं निगरानी की कार्रवाई की जा रही है। 23 मई, 2026 को एस०एस० हॉस्पिटल, निकट मसेनी चौराहा, फतेहगढ़ में उपचार के दौरान एक महिला मरीज श्वेता पत्नी अश्वनी निवासी ग्राम राजेपुर, थाना राजेपुर की मृत्यु की सूचना प्राप्त हुई। प्रकरण को जिलाधिकारी डॉ० अंकुर लाठर द्वारा गंभीरता से संज्ञान में लेते हुए तत्काल जांच एवं आवश्यक कार्रवाई के निर्देश प्रदान किए गए।
जिलाधिकारी के निर्देश  पर सिटी मजिस्ट्रेट की अध्यक्षता में एक संयुक्त जांच टीम का गठन किया गया, जिसमें क्षेत्राधिकारी नगर (सी०ओ० सिटी) के साथ कार्यालय मुख्य चिकित्सा अधिकारी से उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ० आर०सी० माथुर एवं डॉ० दीपक कटारिया सहित अन्य संबंधित अधिकारी सम्मिलित रहे। संयुक्त टीम द्वारा मौके पर पहुंचकर एस०एस० हॉस्पिटल का गहन निरीक्षण एवं अभिलेखों की जांच की गई।
निरीक्षण के दौरान चिकित्सालय की ऑपरेशन थियेटर (ओ०टी०) में आवश्यक व्यवस्थाएं निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं पाई गईं। इसके अतिरिक्त मृतका की बी०एच०टी० फाइल अपूर्ण पाई गई तथा मरीज के उपचार संबंधी अभिलेखों में भी आवश्यक प्रविष्टियां एवं चिकित्सकीय विवरण संतोषजनक रूप से उपलब्ध नहीं मिले। जांच के दौरान चिकित्सालय के संचालन में विभिन्न अनियमितताएं परिलक्षित हुईं तथा चिकित्सालय का संचालन शासन द्वारा निर्धारित मानकों एवं नियमों के अनुरूप न पाए जाने पर संयुक्त टीम द्वारा तत्काल प्रभाव से एस०एस० हॉस्पिटल को सील कर दिया गया।
जांच टीम द्वारा चिकित्सालय में उपलब्ध दस्तावेजों, उपचार संबंधी अभिलेखों तथा अन्य आवश्यक साक्ष्यों को सुरक्षित करते हुए विस्तृत जांच प्रारंभ कर दी गई है। प्रकरण में संबंधित चिकित्सालय प्रबंधन एवं उत्तरदायी व्यक्तियों के विरुद्ध नियमानुसार अग्रिम विधिक एवं प्रशासनिक कार्रवाई की जा रही है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि जनपद में संचालित समस्त निजी चिकित्सालयों, नर्सिंग होम एवं क्लीनिकों को शासन द्वारा निर्धारित मानकों, चिकित्सकीय प्रोटोकॉल एवं मरीजों की सुरक्षा संबंधी व्यवस्थाओं का पूर्णतः अनुपालन सुनिश्चित करना अनिवार्य है। किसी भी स्तर पर लापरवाही, मानकों की अनदेखी अथवा अवैध संचालन पाए जाने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
जनसामान्य से अपील की है कि उपचार हेतु पंजीकृत एवं मान्यता प्राप्त चिकित्सालयों में ही चिकित्सा सेवाएं प्राप्त करें, किसी भी प्रकार की चिकित्सकीय अनियमितता की सूचना तत्काल स्वास्थ्य विभाग अथवा जिला प्रशासन को उपलब्ध कराएं, जिससे समय रहते प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
श्री राम कथा में विदाई प्रसंग पर हृदय भाव-विभोर हो उठा: विधायक अनुराग सिंह
मीरजापुर। रविवार को पावन श्रीराम कथा का श्रवण करने आए चुनार विधायक अनुराग सिंह ने कहा कि आज श्री राम कथा में विदाई प्रसंग पर हृदय भाव-विभोर हो उठा। कथा के प्रत्येक प्रसंग ने जीवन में मर्यादा, सेवा, भक्ति और मानवता का संदेश दिया। प्रभु श्रीराम का आदर्श चरित्र हम सभी को सत्य, धर्म और करुणा के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है।
इस दिव्य आयोजन से पूरे क्षेत्र में भक्ति, संस्कार और आध्यात्मिक चेतना का सुंदर वातावरण निर्मित हुआ। कथा वाचक पंडित आचार्य राघवेंद्र जी अध्यक्ष ब्रजराज सेवा ट्रस्ट वृंदावन एवं आयोजक मंडल विजय शंकर पांडे लालबाग कॉलोनी परिवार और समस्त श्रद्धालुजनों का हृदय से अभिनंदन एवं आभार।
प्रभु श्रीराम से प्रार्थना है कि वे सभी के जीवन में सुख, शांति, समृद्धि एवं सद्बुद्धि प्रदान करें। हैहय वंशीय नव युवक कसेरा समाज की अध्यक्ष श्रीमती जाह्नवी कसेरा ने कहा कि राम नाम जीवन का आधार है,और रामकथा आत्मा का उत्सव।
छठवें दिन कथा का श्रवण करने आए मुख्य रूप से उत्तर प्रदेश पिछड़ा वर्ग आयोग के उपाध्यक्ष सोहनलाल श्रीमाली, केबी कॉलेज के प्रवक्ता प्रोफेसर रमेश चंद्र ओझा, कड़ेशंकर पांडे, अमरेंद्र कान्त सिंह, कपिल देव तिवारी, सुभाष चंद्र तिवारी, संकटा प्रसाद तिवारी, मनोज पांडे, अमित पांडे, दिलीप पांडे, रिंकू पांडे आदि उपस्थित रहे।
लखनऊ नगर निगम विवाद खत्म: महापौर ने दिलाई ललित तिवारी को पार्षद पद की शपथ
* शपथ से पहले ललित तिवारी बोले- ‘ये सत्य और संविधान की जीत’

लखनऊ। नगर निगम लखनऊ में पिछले तीन दिनों से चल रही राजनीतिक और प्रशासनिक उठापटक आखिरकार समाप्त हो गई। महापौर ने रविवार सुबह ललित किशोर तिवारी को पार्षद पद की शपथ दिलाई।
गौरतलब है कि शपथ ग्रहण न कराए जाने के मामले में हाईकोर्ट ने महापौर के अधिकारों को फ्रीज कर दिया था, जिसके बाद नगर निगम में मामला लगातार चर्चा का विषय बना हुआ था।

शपथ ग्रहण से पहले ललित किशोर तिवारी ने बड़ा बयान देते हुए कहा, “ये सत्य और संविधान की जीत है।” उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में ऐसी स्थिति नहीं आनी चाहिए।
ललित तिवारी ने कहा,“19 दिसंबर 2025 को मुझे पार्षद घोषित किया गया था। मुझे न्यायालय के आदेश के बाद पार्षद बनाया गया।”
शपथ ग्रहण के साथ ही नगर निगम में चल रहा विवाद फिलहाल शांत होता दिखाई दे रहा है। हालांकि, पूरे घटनाक्रम ने नगर निगम की कार्यप्रणाली और प्रशासनिक प्रक्रियाओं को लेकर कई सवाल भी खड़े किए हैं।