श्रीमद् भागवत ईश्वर के प्रति भक्ति, ज्ञान और वैराग्य प्रदान करता है : अजय महाराज
जौनपुर। श्रीमद्भागवत कथा का मुख्य उद्देश्य जीव को सांसारिक मोह-माया से मुक्त कर ईश्वर के प्रति सच्ची भक्ति, ज्ञान और वैराग्य प्रदान करना है। इसे वेदों और उपनिषदों का सार माना गया है। यह कथा मनुष्य के मन को निर्मल करती है और उसे मोक्ष की ओर ले जाती है। बदलापुर तहसील अंतर्गत स्थित सियरावासी गांव में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा मैं ब्याह स्पीड से बोलते हुए काशी के प्रख्यात कथावाचक अजय महाराज (गुरु जी) ने उपरोक्त बातें कही। उन्होंने कहा कि ईश्वर के अलावा कहीं भी मन लगाया तो अंत में पछताना ही पड़ेगा। 01 जून से आरंभ कथा का समापन 08 जून को महाप्रसाद भंडारा के साथ संपन्न होगा। प्रतिदिन शाम 5 बजे से रात 8 बजे तक भारी संख्या में लोग कथा सुनने आ रहे हैं। कथा के संयोजक सुभाषचंद्र तिवारी ने लोगों से कथा श्रवण का लाभ उठाने की अपील की है। कथा में उपस्थित गणमान्य लोगों में भाजपा की जिला कार्य समिति सदस्य सुचिता तिवारी, डॉ श्रीपाल पांडे, अमरनाथ तिवारी, राम अनंद पांडे, वरिष्ठ पत्रकार शिवपूजन पांडे, अखिलेश पांडे, डॉ विजय शंकर तिवारी, श्रवण कुमार तिवारी, राजकुमार तिवारी, ध्रुव शंकर तिवारी, समाजसेवी डी एस तिवारी , राधेश्याम तिवारी आदि का समावेश रहा।
महंगाई में कमी नहीं आई तो कांग्रेस घर-घर जाकर करेगी आंदोलन : भावना शर्मा जैन
मुंबई। मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष एवं सांसद वर्षा गायकवाड़ के मार्गदर्शन तथा उत्तर पश्चिम जिला कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष भावना शर्मा जैन के नेतृत्व में कांग्रेसियों द्वारा जोगेश्वरी पूर्व में सरकार के खिलाफ आंदोलन किया गया। इस अवसर पर भावना शर्मा जैन ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश की जनता से केवल मन की बात करते हैं, लेकिन महंगाई, बेरोजगारी और जनता से जुड़े गंभीर मुद्दों पर जवाब देने से बचते हैं। आज पेट्रोल, डीजल और गैस की कीमत आसमान छू रही है। उन्होंने कहा कि आम नागरिक महंगाई से त्रस्त है, लेकिन केंद्र सरकार राहत में भी फेल हो रही है । उन्होंने कहा कि देश की शिक्षा व्यवस्था भी गंभीर संकट से गुजर रही है । नीट और सीबएसई जैसी परीक्षाओं में हुए कथित घोटालों और पेपर लिक की घटनाओं ने देश की युवाओं के भविष्य पर सवाल खड़े कर दिए हैं। आज 17 वर्ष के युवा भी अपनी आवाज उठाने और व्यवस्था की खामीयों को उजागर करने के लिए मजबूर हो गए हैं। भावना शर्मा जैन ने केंद्र सरकार से पेट्रोल डीजल एवं गैस की कीमतों में तत्काल कमी कर जनता को राहत देने की मांग की। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द महंगाई में कमी नहीं की गई तो राहुल गांधी और वर्षाताई गायकवाड़ के नेतृत्व में कांग्रेस का यह जन आंदोलन और अधिक व्यापक एवं तीव्र उग्र होगा तथा इसे घर-घर और गली-गली तक पहुंचाया जाएगा। इस मौके पर कांग्रेस के विभिन्न विभागों महिला कांग्रेस, युवा कांग्रेस, सेवा दल सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी कार्यकर्ता एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित थे।
पर्यावरण संरक्षण और मानवीय सेवा की दिशा में मेघाश्रेय की अनोखी पहल
मुंबई। एक पेड़ माँ के नाम' भारत सरकार द्वारा शुरू किया गया एक भावनात्मक और पर्यावरण-अनुकूल अभियान है। इसके तहत लोग अपनी माँ के प्रति सम्मान और प्रेम जताने के लिए उनकी स्मृति या उपस्थिति में एक पेड़ लगाते हैं और प्रकृति के संरक्षण का संकल्प लेते हैं। मेघाश्रेय संस्था द्वारा पर्यावरण संरक्षण की दिशा में बांद्रा फोर्ट में एक ऐसे ही अनूठे कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। संस्था की राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमती सीमा सिंह द्वारा आयोजित कार्यक्रम में महाराष्ट्र के कैबिनेट मंत्री एडवोकेट आशीष शेलार, आईपीएस कृष्णा प्रकाश, आईपीएस विश्वास नांगरे पाटील, स्टीफन बेन, नूपुर सनोन, डीनो मोरिया,आसिफ भामला,कविन शाह,गौरव पारिख, मिकी मेहता जैसी अनेक जानी-मानी हस्तियों ने कार्यक्रम में उपस्थित होकर इस सशक्त आंदोलन को और भी मजबूत बनाया और पर्यावरण संरक्षण के उद्देश्य को आगे बढ़ाने में हाथ बंटाया। मेघाश्रेय द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में विगत वर्षों की तरह छाता, रेनकोट और पानी का वितरण किया गया। सीमा सिंह द्वारा आयोजित इस पहल में एक साथ तीन सामाजिक और राष्ट्रीय कर्तव्यों की पूर्ति की गई। जीवन के लिए पानी, आराम के लिए छाया, और भविष्य के लिए पेड़ की संकल्पना वाले इस कार्यक्रम में भारी संख्या में बीएमसी कर्मचारी उपस्थित रहे। सीमा सिंह के अनुसार बढ़ रही पर्यावरण चुनौती के बीच हमारी जिम्मेदारी और बढ़ जाती है। ग्लोबल वार्मिंग जैसी विकट परिस्थितियों का निर्माण हो रहा है। ऐसे में वृक्ष ही हमारे जीवन दाता बन सकते हैं। उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति को अपनी मां के नाम पर कम से कम एक पेड़ जरूर लगाना चाहिए , इससे मां, मातृभूमि और धरती के प्रति हमारी कृतज्ञता व्यक्त होगी। उन्होंने कहा कि मानवता की सेवा सबसे बड़ा धर्म है और हर व्यक्ति को इस धर्म का पालन करना चाहिए।
उत्तर प्रदेश सूचना विभाग की कार्यप्रणाली का अध्ययन करने लखनऊ पहुंची बिहार सूचना विभाग की टीम
* निदेशक सूचना से की मुलाकात, प्रचार-प्रसार की व्यवस्थाओं से प्रभावित होकर बिहार में लागू करने की जताई रुचि

* विभिन्न प्रभागों का किया भ्रमण, सूचना प्रसार, मीडिया प्रबंधन एवं जनसंपर्क गतिविधियों की ली विस्तृत जानकारी

लखनऊ। उत्तर प्रदेश सूचना एवं जनसंपर्क विभाग द्वारा जनकल्याणकारी योजनाओं नीतियों एवं शासन की प्राथमिकताओं के प्रभावी प्रचार-प्रसार हेतु विकसित की गई सुदृढ़ सूचना एवं जनसंपर्क व्यवस्था से प्रभावित होकर बिहार सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के अधिकारियों की एक उच्चस्तरीय टीम ने लखनऊ स्थित उत्तर प्रदेश सूचना एवं जनसंपर्क विभाग निदेशालय का भ्रमण किया। भ्रमण के दौरान बिहार सरकार की टीम ने निदेशक सूचना विशाल सिंह से शिष्टाचार भेंट कर विभाग की कार्यप्रणाली नवाचारों तथा जनसंचार की व्यवस्थाओं पर विस्तृत चर्चा की।
बिहार से आए अधिकारियों की टीम ने उत्तर प्रदेश में संचालित प्रचार-प्रसार की प्रभावी व्यवस्था, मीडिया प्रबंधन एवं जनसंपर्क अभियानों की सराहना करते हुए कहा कि उ0प्र0 में प्रचार प्रसार के क्षेत्र में बेहतर कार्य हुआ है जो कि बेहतर अनुभव हुआ है। टीम ने कहा कि यहां विकसित की गई कई व्यवस्थाएं बिहार में भी उपयोगी सिद्ध हो सकती हैं। टीम ने इन व्यवस्थाओं का अध्ययन कर उन्हें अपने राज्य में लागू करने की संभावनाओं पर विशेष रुचि व्यक्त की।
भ्रमण के दौरान टीम ने निदेशालय के सभी प्रमुख सेक्शनों एवं प्रभागों का विस्तृत दौरा किया तथा उनकी कार्यप्रणाली की जानकारी प्राप्त की। अधिकारियों ने समाचार एवं मीडिया कवरेज प्रभाग, पत्रकार कल्याण एवं नीतिगत प्रभाग, क्षेत्रीय एवं ग्रामीण पहुंच प्रभाग, रचनात्मक एवं प्रदर्शनी प्रभाग, आउटडोर एवं सांस्कृतिक प्रचार प्रभाग तथा स्थापना, वित्त प्रभाग के कार्यों का अवलोकन किया। संबंधित अधिकारियों द्वारा प्रत्येक प्रभाग की भूमिकाए दायित्वों तथा कार्य निष्पादन की प्रक्रिया से टीम को अवगत कराया गया।
अधिकारियों ने बताया कि उत्तर प्रदेश सूचना एवं जनसंपर्क विभाग प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, विकास परियोजनाओं एवं महत्वपूर्ण निर्णयों को आमजन तक पहुंचाने के लिए प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक, डिजिटल एवं सोशल मीडिया सहित विभिन्न संचार माध्यमों का प्रभावी उपयोग कर रहा है। बिहार की टीम ने समाचार संकलन, प्रेस विज्ञप्तियों के निर्गमन, मीडिया समन्वय, जनसंपर्क अभियानों के संचालन तथा सूचना के त्वरित एवं तथ्यपरक प्रसारण की व्यवस्थाओं का विशेष रूप से अध्ययन किया।
टीम ने पत्रकार कल्याण से संबंधित योजनाओंए मान्यता व्यवस्था, पत्रकार हितों के संरक्षण हेतु संचालित व्यवस्थाओं तथा मीडिया प्रतिनिधियों के साथ विभाग के समन्वय तंत्र की भी जानकारी प्राप्त की। इसके अतिरिक्त क्षेत्रीय एवं ग्रामीण प्रचार गतिविधियों के माध्यम से प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों तक सरकारी योजनाओं की जानकारी पहुंचाने की रणनीति का भी अवलोकन किया गया।
रचनात्मक एवं प्रदर्शनी समूह द्वारा तैयार की जाने वाली प्रचार सामग्री, विभागीय प्रकाशनों, प्रदर्शनी आयोजन, दृश्य-श्रव्य माध्यमों के उपयोग तथा जनजागरूकता अभियानों की कार्यप्रणाली ने बिहार के अधिकारियों का विशेष ध्यान आकर्षित किया। साथ ही आउटडोर एवं सांस्कृतिक प्रचार समूह द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रमों, लोककलाओं एवं जनसंचार के पारंपरिक माध्यमों के जरिए संचालित जनजागरूकता अभियानों की जानकारी भी साझा की गई।
भ्रमण के दौरान बिहार सूचना विभाग की टीम ने उत्तर प्रदेश में सूचना एवं जनसंपर्क गतिविधियों के संचालन में अपनाई जा रही तकनीक आधारित व्यवस्थाओं, बेहतर समन्वय तंत्र, त्वरित सूचना संप्रेषण प्रणाली तथा जनहितकारी योजनाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। अधिकारियों ने कहा कि उत्तर प्रदेश सूचना एवं जनसंपर्क विभाग ने सूचना प्रबंधन और जनसंपर्क के क्षेत्र में कई ऐसी प्रभावी व्यवस्थाएं विकसित की हैं, जिनका अध्ययन अन्य राज्यों के लिए भी उपयोगी एवं प्रेरणादायी सिद्ध हो सकता है।
इस अवसर पर दोनों राज्यों के अधिकारियों के बीच सूचना प्रसार, मीडिया प्रबंधन, डिजिटल संचार, जनसंपर्क अभियानों तथा सुशासन से जुड़े विभिन्न विषयों पर विचार-विमर्श भी हुआ। अध्ययन भ्रमण के माध्यम से प्राप्त अनुभवों को साझा करते हुए बिहार की टीम ने उत्तर प्रदेश सूचना एवं जनसंपर्क विभाग की कार्यशैली को व्यवस्थित, नवाचारपूर्ण एवं परिणामोन्मुख बताते हुए विभाग द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना की। अंत में टीम ने कहा कि उत्तर प्रदेश में जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रचार-प्रसार के लिए विकसित मॉडल अन्य राज्यों के लिए भी अनुकरणीय है।
धार्मिक स्थल के पास अंडा व शराब की बिक्री और रास्ता बाधित करने से ग्रामीणों में रोष*

ग्राम परनखा के पीड़ित ने डीएम को शिकायती पत्र भेजकर लगाई न्याय की गुहार*

रितेश मिश्रा
हरदोई बिलग्राम तहसील अंतर्गत थाना माधोगंज क्षेत्र के ग्राम परनखा (पोस्ट- खुर्दा मदारपुर) में धार्मिक स्थल के निकट ग्राम समाज की सरकारी भूमि पर दबंगों द्वारा अवैध कब्जा किए जाने का गंभीर मामला प्रकाश में आया है। गांव के ही एक जागरूक नागरिक अरविंद कुमार पुत्र राम औतार ने इस संबंध में जिलाधिकारी हरदोई को एक लिखित शिकायती पत्र भेजकर जांच कराने और दोषियों के खिलाफ दंडात्मक कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।
जिलाधिकारी को दिए गए प्रार्थना पत्र में शिकायतकर्ता अरविंद कुमार ने आरोप लगाया है कि ग्राम परनखा में एक प्राचीन शिव मंदिर स्थित है और वहीं पास में एक पूजनीय कुआं भी है, जो कि पूरी तरह से ग्राम समाज की जमीन पर बना हुआ है और ग्रामीणों की आस्था का केंद्र है। आरोप है कि गांव के ही निवासी हुकुम चंद पुत्र राधे लाल और घनश्याम पुत्र हुकुम चंद ने इस मंदिर व कुएं के पास की ग्राम समाज की बेशकीमती जमीन पर अवैध रूप से कब्जा कर लिया है। दबंगों द्वारा इस पवित्र स्थल के पास अवैध कब्जा करके एक किराना की दुकान, एक अंडे की दुकान और एक मोटरसाइकिल रिपेयरिंग की दुकान संचालित की जा रही है।शिकायतकर्ता का कहना है कि मंदिर जैसे पवित्र धार्मिक स्थल के बिल्कुल पास में अंडे और शराब की खिड़की खोलकर बिक्री धड़ल्ले से की जाती है, जो कि पूरी तरह से नियम और न्यायसंगत नहीं है। इससे मंदिर आने-जाने वाले श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंच रही है। इसके अलावा, उक्त लोगों द्वारा रात के समय मंदिर जाने वाले मुख्य रास्ते पर अपने वाहन (मोटरसाइकिल/गाड़ियाँ) आदि खड़े कर दिए जाते हैं, जिससे मंदिर का रास्ता भी पूरी तरह बाधित हो जाता है और ग्रामीणों को आने-जाने में भारी कठिनाई का सामना करना पड़ता है।पीड़ित और ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से इस गंभीर मामले का तत्काल संज्ञान लेने की अपील की है। प्रार्थना पत्र के माध्यम से मांग की गई है कि राजस्व और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम भेजकर मौके की निष्पक्ष जांच कराई जाए, ग्राम समाज की भूमि से अवैध कब्जा तत्काल हटवाया जाए और धार्मिक मर्यादा को ठेस पहुंचाने वाले तथा सरकारी भूमि पर कब्जा करने वाले उक्त व्यक्तियों के विरुद्ध सख्त दंडात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाए।
उपेक्षित पड़ा गुप्तकाल से जुड़ा पौराणिक महेश बाबा मंदिर, कायाकल्प के लिए जनप्रतिनिधियों ने कसी कमर*
रितेश मिश्रा
कछौना, हरदोई।* विकासखंड कछौना की ग्राम सभा समसपुर के ग्राम महेशन मढ़िया में स्थित प्राचीन महेश बाबा मंदिर के जीर्णोद्धार के लिए स्थानीय जनप्रतिनिधि ग्राम प्रधान रानू बाजपेई, अनूप कुमार मटरू व पूर्व मंडल अध्यक्ष नवीन पटेल, रामऔतार गोस्वामी ने सभापति अशोक अग्रवाल पत्र देकर जीर्णोद्धार कराने की मांग की, उन्होंने इस पौराणिक मंदिर के जीर्णोद्धार हेतु शासन को पत्र लिखा है। श्रद्धालुओं ने इस मंदिर के सौंदर्यीकरण व कायाकल्प की उम्मीद जग गई है। जिससे यह स्थल उत्तर प्रदेश के नक्शे पर एक पहचान बनेगा। विधानसभा बालामऊ की ग्राम सभा समसपुर के ग्राम महेशन मढ़िया में काफी प्राचीन मंदिर 12 एकड़ बाग में स्थित है। पुरानी मान्यता के अनुसार बाबा राघव दास महंत द्वारा 150 वर्ष पूर्व मंदिर की स्थापना की गई। इसमें ग्राम महरी, समसपुर, बर्राघूमन, कटका, सहोरिया आदि गांवो की भूमि अभिलेख में दर्द है। परंतु राघव दास महंत के निधन के बाद भू-माफिया ने कूटरचित द्वारा काफी भूमि अपने नाम हस्तांतरित कराली। इस मंदिर का 60 बीघा भूमि पर बाग है। यह ऐतिहासिक व पौराणिक स्थल है, यह जंगल के होने के कारण आक्रांताओं से बच गया था, प्राकृतिक अवस्था में स्थित है। शिव पार्वती की खंडित मूर्ति है। जनश्रुति के अनुसार गुप्त काल के पहले का है। पूरे देश में केवल दो ही स्थानों पर इस तरह के मंदिर हैं। मंदिर परिसर में ठाकुर द्वार में हनुमान मंदिर व राम जानकी मंदिर की स्थापना है, जो जीर्ण शीर्ण अवस्था में पड़ा है। यह प्रकृतिक स्थल में होने के कारण काफी रमणीक लगता है। दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक शांति मिलती है। वर्ष के में दो बार मेला लगता है। इसके सौंदर्यीकरण व जीर्णोद्धार के लिए ग्राम प्रधानगढ़ रानू बाजपेई, अनूप कुमार मटरू, जनसरोकार मंच के संयोजक परमेश्वर दयाल, सुरेंद्र सिंह, पूर्व मंडल अध्यक्ष नवीन पटेल, रामाऔतार गोस्वामी ने जीर्णोद्धार के लिए जनप्रतिनिधियों से गुहार लगाई है।
अब गर्भवती महिला की होंगी छह प्रसवपूर्व जाँचें
रितेश मिश्रा
हरदोई, मां और शिशु के बेहतर स्वास्थ्य परिणाम सुनिश्चित करने की दिशा में उत्तर प्रदेश सरकार ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। अब गर्भवती महिलाओं को न्यूनतम छह प्रसवपूर्व जांचों (एएनसी) से जोड़ने पर विशेष जोर दिया जाएगा। इससे पहले नियमित रूप से चार एएनसी जांचों का प्रावधान था। इस संबंध में परिवार कल्याण महानिदेशक डॉ. एच.डी. अग्रवाल ने सभी संबंधित अधिकारियों को विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. भवनाथ पांडे ने बताया कि  जनपद में प्रत्येक गर्भवती तक गुणवत्तापूर्ण मातृ स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना विभाग की प्राथमिकता है। नई व्यवस्था का उद्देश्य संभावित स्वास्थ्य जोखिमों की समय पर पहचान, आवश्यक चिकित्सकीय हस्तक्षेप सुनिश्चित करना तथा मातृ एवं नवजात मृत्यु दर में कमी लाना है। उन्होंने कहा कि सभी गर्भवती महिलाओं की शत-प्रतिशत प्रसवपूर्व जांच सुनिश्चित करना एक चुनौतीपूर्ण कार्य है, लेकिन नई व्यवस्था से उनकी निगरानी और अधिक प्रभावी ढंग से की जा सकेगी।
उन्होंने बताया कि प्रसवपूर्व जांचों की संख्या चार से बढ़ाकर छह किए जाने से गर्भवती महिलाओं के स्वास्थ्य की अधिक नियमित समीक्षा संभव होगी। इससे एनीमिया, गर्भावधि मधुमेह (जेस्टेशनल डायबिटीज), उच्च रक्तचाप तथा अन्य जोखिमपूर्ण स्थितियों की समय रहते पहचान और प्रबंधन के अधिक अवसर मिलेंगे, जिससे जटिलताओं को गंभीर होने से पहले नियंत्रित किया जा सकेगा।
नोडल डॉ. अरविन्द सचान ने कहा कि अतिरिक्त एएनसी विजिट से आशा, एएनएम और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को भी गर्भवती महिलाओं के साथ अधिक नियमित संपर्क का अवसर मिलेगा। इन मुलाकातों के दौरान महिलाओं को संतुलित पोषण, आयरन-फोलिक एसिड की गोलियों के नियमित सेवन, समय पर टीकाकरण, आवश्यक स्वास्थ्य जांच, संस्थागत प्रसव की तैयारी तथा नवजात शिशु की देखभाल के संबंध में परामर्श दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि परिवार के सदस्यों को भी गर्भावस्था और नवजात में दिखाई देने वाले खतरे के लक्षणों के प्रति जागरूक किया जाएगा, ताकि आवश्यकता पड़ने पर समय रहते स्वास्थ्य संस्थान से संपर्क किया जा सके।
प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान (पीएमएसएमए) के तहत प्रत्येक माह की 1, 9, 16 और 24 तारीख को स्वास्थ्य केंद्रों पर गर्भवतियों की जांच कर उच्च जोखिम गर्भावस्था (एचआरपी) की पहचान की जाती है और उनका प्रबंधन किया जाता है।
वर्ष 2025-26 में  पीएमएसएमए के तहत 84,271 गर्भवतियों की जांच की गई, जिनमें 6090 उच्च जोखिम गर्भावस्थाओं की पहचान की गई। चिन्हित उच्च जोखिम गर्भवतियों की नियमित निगरानी की गई तथा आवश्यकतानुसार उन्हें उच्चतर स्वास्थ्य संस्थानों के लिए रेफर किया गया।
एएनसी का समय निर्धारण इस प्रकार किया गया है—
पहली एएनसी : गर्भावस्था के पंजीकरण के तुरंत बाद, 12 सप्ताह के भीतर।
दूसरी एएनसी : 16 से 20 सप्ताह के बीच।
तीसरी एएनसी : 24 से 28 सप्ताह के बीच।
चौथी एएनसी : 28 से 32 सप्ताह के बीच।
पाँचवीं एएनसी : 32 से 36 सप्ताह के बीच।
छठी एएनसी : 36 से 40 सप्ताह के बीच।
पत्रकार बार्ता के दौरान भाजपा नेता ने पी. एम और सी.एम की जमकर प्रन्सशा।
                                       

रितेश मिश्रा
हरदोई ! भाजपा के वरिष्ठ नेता पूर्व सांसद नरेश अग्रवाल ने कहा है कि जिस तरीके से गंगा नदी की धारा उत्तरांचल से निकल कर पश्चिम बंगाल तक गई है ठीक उसी तरीके से भारतीय जनता पार्टी को भी पीएम नरेंद्र मोदी के करिश्माइ नेतृत्व के बलबूते  उत्तरांचल से लेकर पश्चिम बंगाल तक बेहद मजबूती  मिली है।
श्री अग्रवाल ने कहा कि पश्चिम बंगाल व असम विधानसभा चुनाव में भाजपा की प्रचंड जीत ने साबित कर दिया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी  देश के सर्वाधिक लोकप्रिय व सर्वमान्य  नेता है। उन्होने अपने पैतृक आवास पर पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा कि पीएम मोदी जी द्वारा विदेश , आर्थिक व रक्षा नीति में लिए गए निर्णय के चलते विश्व भर के देशों में पीएम की साथ तेजी के साथ बढ़ी है।
श्री अग्रवाल ने कहा कि ईरान युद्ध ने पूरे विश्व की अर्थव्यवस्था को हिलाकर रख दिया है ऐसे समय में पीएम मोदी जी ने जिस तरीके से देशवासियों का नेतृत्व कर जो साहसिक निर्णय लिये हैं उसे उन पर भरोसा अपेक्षाकृत और अधिक मजबूत हुआ है।यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ की कार्य शैली की मुक्त कंठ से सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की कानून व्यवस्था और विकास के लिए उन्होंने जो भी मॉडल अपनाया है उस मॉडल को देश के अन्य राज्य भी तेजी के साथ अपना रहे भाजपा नेता पूर्व सांसद नरेश अग्रवाल ने कहा कि अगले साल जिन राज्यों में विधानसभा चुनाव होने हैं उनमें भी भाजपा की जीत सुनिश्चित है।श्री अग्रवाल ने कानून व्यवस्था  व विकास के लिए अपने दृढ़ संकल्प को दोहराते हुए कहा कि जनपद मे  जिसने भी विकास किया है उसके बारे में यहां की जनता बखूबी जानती है विकास हमने किया या किसी और ने किया कुल मिलाकर हरदोई का विकास तो हुआ है ही।
पूर्व सांसद नरेश अग्रवाल ने हरदोई भाजपा जिला अध्यक्ष को सलाह दी कि वह पार्टी संगठन में अनुशासन को पूरी तरीके से कायम रखने के संदर्भ में उचित कदम उठाए।प्रेस वार्ता के दौरान हरदोई नगर पालिका के पूर्व अध्यक्ष पंडित राम प्रकाश शुक्ला एडवोकेट भी मौजूद थे।
तेल और गैस पर निर्भरता कम कर देश को समृद्ध बनाएं:सतीश जी
ऊर्जा आत्म निर्भरता अभियान के अंतर्गत कुकिंग हेतु इंडक्शन को बढ़ावा दें:सह संगठक

रितेश मिश्रा
हरदोई।"देश में डीजल ,पेट्रोल कुकिंग गैस की पर निर्भरता 88 प्रतिशत दूसरे देशों से हैं जिसके उपभोग के बिना हमारा जीवन चलता नहीं है, दूसरे देश पर निर्भर रहकर हम प्रतिदिन चार हजार करोड़ रूपया दूसरे देशों को भेजते हैं 42 देशों को हम अपना पैसा देते हैं, 55 प्रतिशत एलपीजी का आयात करते हैं, हम बिजली में आत्मनिर्भर हैं दूसरे देशों को हम बिजली निर्यात करते हैं तो क्यों न हम स्वदेशी बिजली का  अपनी रसोई में इंडक्शन आदि का प्रयोग कर ऊर्जा बचाने में सहयोग कर सकते हैं और देश को समृद्ध बनाने में अपना योगदान दे सकते हैं" उक्त विचार स्वावलंबी भारत अभियान एवं स्वदेशी जागरण मंच के आवाहन पर शहर के जेके पब्लिक स्कूल में आयोजित ऊर्जा आत्म निर्भरता अभियान संगोष्ठी में स्वावलंबी भारत अभियान एवं स्वदेशी जागरण मंच के राष्ट्रीय सह संगठक सतीश जी ने व्यक्त किए।
स्वावलंबी भारत अभियान एवं स्वदेशी जागरण मंच की ओर से आयोजित ऊर्जा आत्म निर्भरता अभियान संगोष्ठी का शुभारंभ मुख्य अतिथि सतीश जी, प्रांत समन्वयक हर्षवर्धन सिंह, जिला संयोजक अवनीश द्विवेदी,उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के जिला अध्यक्ष विमलेश दीक्षित,उद्योग व्यापार मंडल के पवन जैन, अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल के जिला अध्यक्ष अशफाक हुसैन,बौद्धिक प्रकोष्ठ के संजीव खरे,स्वदेशी जागरण मंच के प्रचारक राजीव जी ,गोष्ठी की अध्यक्षता कर रहे राजीव मोहन अवस्थी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलन कर किया। अध्यक्षता राजीव मोहन अवस्थी ने की। कवि श्याम त्रिवेदी पंकज और शिक्षक राजकुमार सिंह ने स्वदेशी गीत गाकर स्वदेशी अपनाने का आवाहन किया। वक्ताओं में हर्षवर्धन सिंह,विमलेश दीक्षित, पवन जैन ,अशफाक हुसैन, संजीव खरे, अवनीश द्विवेदी ने स्वदेशी अपनाओ और विदेशी सामानों का बहिष्कार करने की अपील की। सभी ने इस वैश्विक संकट पर छोटे-छोटे कार्यों में ऊर्जा ऊर्जा बचाकर देश की प्रगति में समृद्धि लाने में सहयोग की अपील की।
मुख्य अतिथि सतीश जी ने अपने उद्बोधन में कहा कि डीजल, पेट्रोल ,कुकिंग गैस में 88 प्रतिशत की पर निर्भरता दूसरे देशों पर है, प्रतिदिन 4000 करोड़ रूपया हम दूसरे देशों को भेजते हैं स्वतंत्रता के 78 वर्ष बाद भी 42 देश में अपना हम पैसा देते हैं एलपीजी 55 प्रतिशत आयात करते हैं, ऊर्जा बचाओ अभियान के अंतर्गत प्रधानमंत्री मोदी जी ने 7 दोनों पर अपील की थी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी जी के डीजल ,पेट्रोल,कुकिंग गैस, सोना यूरिया के कम प्रयोग करने का आवाहन किया था, क्या आप कह सकते हैं कि इस आवाहन का मोदी सरकार को क्या व्यक्तिगत लाभ देने वाला है क्या स्वयं के लिए आवाहन किया गया है?हम छोटी-छोटी जरूरत के लिए ऊर्जा बचाने का काम कर सकते हैं,हमारा देश बिजली पर आत्मनिर्भर है और हम दूसरे देशों को बिजली निर्यात करते हैं हम अपनी स्वदेशी बिजली का उपभोग रसोई गैस में इंडक्शन का प्रयोग करके कर सकते हैं जो कुकिंग गैस की अपेक्षा कम खर्चीला है यदि हम ऊर्जा को बचा लेते हैं तो पर्यावरण संतुलन सहित देश को समृद्ध बनाने में सहायक होंगे।सोना,यूरिया भी हम आयात करते हैं 834 टन सोना लगभग 6 लाख करोड रुपए का सोना आयात किया गया, इससे दूसरे देशों को हम डॉलर में तिजोरी भर रहे हैं। यूरिया खाद का इस बार 24 प्रतिशत का आयात ज्यादा हुआ,आखिर क्यों ?क्या खेती बढ़ गई ?हम जैविक खाद का खेती में अधिक से अधिक प्रयोग कर इस आयात को संतुलित करना पड़ेगा,कृषि वैज्ञानिकों ने भी कहा है कि हम यूरिया का
अधिकाधिक प्रयोग करके मिट्टी की उर्वरा शक्ति को अधिक उत्पादन के चक्कर में बर्बाद कर रहे हैं, पीने के पानी,पेय पदार्थों  पेप्सी ,कोका-कोला जैसी कंपनियों का बहिष्कार कर देश को समृद्ध बनाने में सहयोग कर सकते हैं। चिंतन का विषय है कि आखिर हम देश को समृद्ध बनाने में किस भूमिका का निर्वहन कर रहे हैं। प्रांत समन्वयक हर्षवर्धन सिंह ने आए हुए लोगों का आभार जताया। अध्यक्षीय उद्बोधन के बाद गोष्ठी का समापन किया गया। मंच का संचालन शोभित प्रताप सिंह तोमर ने किया।
जिला संयोजक अवनीश द्विवेदी ने बताया कि विदु शेखर प्रताप सिंह सह जिला जिला संयोजक, आशीष बाजपेई आशू सह जिला संयोजक ,अनुराग द्विवेदी अन्नू को जिला समन्वयक, महेश गुप्ता डब्लू को सह जिला समन्वयक, अजय सिंह को सह जिला संपर्क प्रमुख, जे. पी. दीक्षित को हरियावां खण्ड संयोजक, राजीव सिंह बबलू नगर समन्वयक, प्रखर गुप्ता को सह नगर समन्वयक, वरुण कुमार मिश्रा को सह समन्वयक शाहाबाद तहसील, इन्द्रेश कुमार बाजपेयी को सह जिला विचार विभाग प्रमुख, विकास मिश्रा टड़ियावां खण्ड संयोजक घोषित किए गए।
धार्मिक स्थल के पास अंडा व शराब की बिक्री और रास्ता बाधित करने से ग्रामीणों में रोष*
ग्राम परनखा के पीड़ित ने डीएम को शिकायती पत्र भेजकर लगाई न्याय की गुहार*

रितेश मिश्रा
हरदोई बिलग्राम तहसील अंतर्गत थाना माधोगंज क्षेत्र के ग्राम परनखा (पोस्ट- खुर्दा मदारपुर) में धार्मिक स्थल के निकट ग्राम समाज की सरकारी भूमि पर दबंगों द्वारा अवैध कब्जा किए जाने का गंभीर मामला प्रकाश में आया है। गांव के ही एक जागरूक नागरिक अरविंद कुमार पुत्र राम औतार ने इस संबंध में जिलाधिकारी हरदोई को एक लिखित शिकायती पत्र भेजकर जांच कराने और दोषियों के खिलाफ दंडात्मक कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।
जिलाधिकारी को दिए गए प्रार्थना पत्र में शिकायतकर्ता अरविंद कुमार ने आरोप लगाया है कि ग्राम परनखा में एक प्राचीन शिव मंदिर स्थित है और वहीं पास में एक पूजनीय कुआं भी है, जो कि पूरी तरह से ग्राम समाज की जमीन पर बना हुआ है और ग्रामीणों की आस्था का केंद्र है। आरोप है कि गांव के ही निवासी हुकुम चंद पुत्र राधे लाल और घनश्याम पुत्र हुकुम चंद ने इस मंदिर व कुएं के पास की ग्राम समाज की बेशकीमती जमीन पर अवैध रूप से कब्जा कर लिया है। दबंगों द्वारा इस पवित्र स्थल के पास अवैध कब्जा करके एक किराना की दुकान, एक अंडे की दुकान और एक मोटरसाइकिल रिपेयरिंग की दुकान संचालित की जा रही है।शिकायतकर्ता का कहना है कि मंदिर जैसे पवित्र धार्मिक स्थल के बिल्कुल पास में अंडे और शराब की खिड़की खोलकर बिक्री धड़ल्ले से की जाती है, जो कि पूरी तरह से नियम और न्यायसंगत नहीं है। इससे मंदिर आने-जाने वाले श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंच रही है। इसके अलावा, उक्त लोगों द्वारा रात के समय मंदिर जाने वाले मुख्य रास्ते पर अपने वाहन (मोटरसाइकिल/गाड़ियाँ) आदि खड़े कर दिए जाते हैं, जिससे मंदिर का रास्ता भी पूरी तरह बाधित हो जाता है और ग्रामीणों को आने-जाने में भारी कठिनाई का सामना करना पड़ता है।पीड़ित और ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से इस गंभीर मामले का तत्काल संज्ञान लेने की अपील की है। प्रार्थना पत्र के माध्यम से मांग की गई है कि राजस्व और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम भेजकर मौके की निष्पक्ष जांच कराई जाए, ग्राम समाज की भूमि से अवैध कब्जा तत्काल हटवाया जाए और धार्मिक मर्यादा को ठेस पहुंचाने वाले तथा सरकारी भूमि पर कब्जा करने वाले उक्त व्यक्तियों के विरुद्ध सख्त दंडात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाए।
श्रीमद् भागवत ईश्वर के प्रति भक्ति, ज्ञान और वैराग्य प्रदान करता है : अजय महाराज
जौनपुर। श्रीमद्भागवत कथा का मुख्य उद्देश्य जीव को सांसारिक मोह-माया से मुक्त कर ईश्वर के प्रति सच्ची भक्ति, ज्ञान और वैराग्य प्रदान करना है। इसे वेदों और उपनिषदों का सार माना गया है। यह कथा मनुष्य के मन को निर्मल करती है और उसे मोक्ष की ओर ले जाती है। बदलापुर तहसील अंतर्गत स्थित सियरावासी गांव में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा मैं ब्याह स्पीड से बोलते हुए काशी के प्रख्यात कथावाचक अजय महाराज (गुरु जी) ने उपरोक्त बातें कही। उन्होंने कहा कि ईश्वर के अलावा कहीं भी मन लगाया तो अंत में पछताना ही पड़ेगा। 01 जून से आरंभ कथा का समापन 08 जून को महाप्रसाद भंडारा के साथ संपन्न होगा। प्रतिदिन शाम 5 बजे से रात 8 बजे तक भारी संख्या में लोग कथा सुनने आ रहे हैं। कथा के संयोजक सुभाषचंद्र तिवारी ने लोगों से कथा श्रवण का लाभ उठाने की अपील की है। कथा में उपस्थित गणमान्य लोगों में भाजपा की जिला कार्य समिति सदस्य सुचिता तिवारी, डॉ श्रीपाल पांडे, अमरनाथ तिवारी, राम अनंद पांडे, वरिष्ठ पत्रकार शिवपूजन पांडे, अखिलेश पांडे, डॉ विजय शंकर तिवारी, श्रवण कुमार तिवारी, राजकुमार तिवारी, ध्रुव शंकर तिवारी, समाजसेवी डी एस तिवारी , राधेश्याम तिवारी आदि का समावेश रहा।
महंगाई में कमी नहीं आई तो कांग्रेस घर-घर जाकर करेगी आंदोलन : भावना शर्मा जैन
मुंबई। मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष एवं सांसद वर्षा गायकवाड़ के मार्गदर्शन तथा उत्तर पश्चिम जिला कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष भावना शर्मा जैन के नेतृत्व में कांग्रेसियों द्वारा जोगेश्वरी पूर्व में सरकार के खिलाफ आंदोलन किया गया। इस अवसर पर भावना शर्मा जैन ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश की जनता से केवल मन की बात करते हैं, लेकिन महंगाई, बेरोजगारी और जनता से जुड़े गंभीर मुद्दों पर जवाब देने से बचते हैं। आज पेट्रोल, डीजल और गैस की कीमत आसमान छू रही है। उन्होंने कहा कि आम नागरिक महंगाई से त्रस्त है, लेकिन केंद्र सरकार राहत में भी फेल हो रही है । उन्होंने कहा कि देश की शिक्षा व्यवस्था भी गंभीर संकट से गुजर रही है । नीट और सीबएसई जैसी परीक्षाओं में हुए कथित घोटालों और पेपर लिक की घटनाओं ने देश की युवाओं के भविष्य पर सवाल खड़े कर दिए हैं। आज 17 वर्ष के युवा भी अपनी आवाज उठाने और व्यवस्था की खामीयों को उजागर करने के लिए मजबूर हो गए हैं। भावना शर्मा जैन ने केंद्र सरकार से पेट्रोल डीजल एवं गैस की कीमतों में तत्काल कमी कर जनता को राहत देने की मांग की। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द महंगाई में कमी नहीं की गई तो राहुल गांधी और वर्षाताई गायकवाड़ के नेतृत्व में कांग्रेस का यह जन आंदोलन और अधिक व्यापक एवं तीव्र उग्र होगा तथा इसे घर-घर और गली-गली तक पहुंचाया जाएगा। इस मौके पर कांग्रेस के विभिन्न विभागों महिला कांग्रेस, युवा कांग्रेस, सेवा दल सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी कार्यकर्ता एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित थे।
पर्यावरण संरक्षण और मानवीय सेवा की दिशा में मेघाश्रेय की अनोखी पहल
मुंबई। एक पेड़ माँ के नाम' भारत सरकार द्वारा शुरू किया गया एक भावनात्मक और पर्यावरण-अनुकूल अभियान है। इसके तहत लोग अपनी माँ के प्रति सम्मान और प्रेम जताने के लिए उनकी स्मृति या उपस्थिति में एक पेड़ लगाते हैं और प्रकृति के संरक्षण का संकल्प लेते हैं। मेघाश्रेय संस्था द्वारा पर्यावरण संरक्षण की दिशा में बांद्रा फोर्ट में एक ऐसे ही अनूठे कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। संस्था की राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमती सीमा सिंह द्वारा आयोजित कार्यक्रम में महाराष्ट्र के कैबिनेट मंत्री एडवोकेट आशीष शेलार, आईपीएस कृष्णा प्रकाश, आईपीएस विश्वास नांगरे पाटील, स्टीफन बेन, नूपुर सनोन, डीनो मोरिया,आसिफ भामला,कविन शाह,गौरव पारिख, मिकी मेहता जैसी अनेक जानी-मानी हस्तियों ने कार्यक्रम में उपस्थित होकर इस सशक्त आंदोलन को और भी मजबूत बनाया और पर्यावरण संरक्षण के उद्देश्य को आगे बढ़ाने में हाथ बंटाया। मेघाश्रेय द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में विगत वर्षों की तरह छाता, रेनकोट और पानी का वितरण किया गया। सीमा सिंह द्वारा आयोजित इस पहल में एक साथ तीन सामाजिक और राष्ट्रीय कर्तव्यों की पूर्ति की गई। जीवन के लिए पानी, आराम के लिए छाया, और भविष्य के लिए पेड़ की संकल्पना वाले इस कार्यक्रम में भारी संख्या में बीएमसी कर्मचारी उपस्थित रहे। सीमा सिंह के अनुसार बढ़ रही पर्यावरण चुनौती के बीच हमारी जिम्मेदारी और बढ़ जाती है। ग्लोबल वार्मिंग जैसी विकट परिस्थितियों का निर्माण हो रहा है। ऐसे में वृक्ष ही हमारे जीवन दाता बन सकते हैं। उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति को अपनी मां के नाम पर कम से कम एक पेड़ जरूर लगाना चाहिए , इससे मां, मातृभूमि और धरती के प्रति हमारी कृतज्ञता व्यक्त होगी। उन्होंने कहा कि मानवता की सेवा सबसे बड़ा धर्म है और हर व्यक्ति को इस धर्म का पालन करना चाहिए।
उत्तर प्रदेश सूचना विभाग की कार्यप्रणाली का अध्ययन करने लखनऊ पहुंची बिहार सूचना विभाग की टीम
* निदेशक सूचना से की मुलाकात, प्रचार-प्रसार की व्यवस्थाओं से प्रभावित होकर बिहार में लागू करने की जताई रुचि

* विभिन्न प्रभागों का किया भ्रमण, सूचना प्रसार, मीडिया प्रबंधन एवं जनसंपर्क गतिविधियों की ली विस्तृत जानकारी

लखनऊ। उत्तर प्रदेश सूचना एवं जनसंपर्क विभाग द्वारा जनकल्याणकारी योजनाओं नीतियों एवं शासन की प्राथमिकताओं के प्रभावी प्रचार-प्रसार हेतु विकसित की गई सुदृढ़ सूचना एवं जनसंपर्क व्यवस्था से प्रभावित होकर बिहार सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के अधिकारियों की एक उच्चस्तरीय टीम ने लखनऊ स्थित उत्तर प्रदेश सूचना एवं जनसंपर्क विभाग निदेशालय का भ्रमण किया। भ्रमण के दौरान बिहार सरकार की टीम ने निदेशक सूचना विशाल सिंह से शिष्टाचार भेंट कर विभाग की कार्यप्रणाली नवाचारों तथा जनसंचार की व्यवस्थाओं पर विस्तृत चर्चा की।
बिहार से आए अधिकारियों की टीम ने उत्तर प्रदेश में संचालित प्रचार-प्रसार की प्रभावी व्यवस्था, मीडिया प्रबंधन एवं जनसंपर्क अभियानों की सराहना करते हुए कहा कि उ0प्र0 में प्रचार प्रसार के क्षेत्र में बेहतर कार्य हुआ है जो कि बेहतर अनुभव हुआ है। टीम ने कहा कि यहां विकसित की गई कई व्यवस्थाएं बिहार में भी उपयोगी सिद्ध हो सकती हैं। टीम ने इन व्यवस्थाओं का अध्ययन कर उन्हें अपने राज्य में लागू करने की संभावनाओं पर विशेष रुचि व्यक्त की।
भ्रमण के दौरान टीम ने निदेशालय के सभी प्रमुख सेक्शनों एवं प्रभागों का विस्तृत दौरा किया तथा उनकी कार्यप्रणाली की जानकारी प्राप्त की। अधिकारियों ने समाचार एवं मीडिया कवरेज प्रभाग, पत्रकार कल्याण एवं नीतिगत प्रभाग, क्षेत्रीय एवं ग्रामीण पहुंच प्रभाग, रचनात्मक एवं प्रदर्शनी प्रभाग, आउटडोर एवं सांस्कृतिक प्रचार प्रभाग तथा स्थापना, वित्त प्रभाग के कार्यों का अवलोकन किया। संबंधित अधिकारियों द्वारा प्रत्येक प्रभाग की भूमिकाए दायित्वों तथा कार्य निष्पादन की प्रक्रिया से टीम को अवगत कराया गया।
अधिकारियों ने बताया कि उत्तर प्रदेश सूचना एवं जनसंपर्क विभाग प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, विकास परियोजनाओं एवं महत्वपूर्ण निर्णयों को आमजन तक पहुंचाने के लिए प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक, डिजिटल एवं सोशल मीडिया सहित विभिन्न संचार माध्यमों का प्रभावी उपयोग कर रहा है। बिहार की टीम ने समाचार संकलन, प्रेस विज्ञप्तियों के निर्गमन, मीडिया समन्वय, जनसंपर्क अभियानों के संचालन तथा सूचना के त्वरित एवं तथ्यपरक प्रसारण की व्यवस्थाओं का विशेष रूप से अध्ययन किया।
टीम ने पत्रकार कल्याण से संबंधित योजनाओंए मान्यता व्यवस्था, पत्रकार हितों के संरक्षण हेतु संचालित व्यवस्थाओं तथा मीडिया प्रतिनिधियों के साथ विभाग के समन्वय तंत्र की भी जानकारी प्राप्त की। इसके अतिरिक्त क्षेत्रीय एवं ग्रामीण प्रचार गतिविधियों के माध्यम से प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों तक सरकारी योजनाओं की जानकारी पहुंचाने की रणनीति का भी अवलोकन किया गया।
रचनात्मक एवं प्रदर्शनी समूह द्वारा तैयार की जाने वाली प्रचार सामग्री, विभागीय प्रकाशनों, प्रदर्शनी आयोजन, दृश्य-श्रव्य माध्यमों के उपयोग तथा जनजागरूकता अभियानों की कार्यप्रणाली ने बिहार के अधिकारियों का विशेष ध्यान आकर्षित किया। साथ ही आउटडोर एवं सांस्कृतिक प्रचार समूह द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रमों, लोककलाओं एवं जनसंचार के पारंपरिक माध्यमों के जरिए संचालित जनजागरूकता अभियानों की जानकारी भी साझा की गई।
भ्रमण के दौरान बिहार सूचना विभाग की टीम ने उत्तर प्रदेश में सूचना एवं जनसंपर्क गतिविधियों के संचालन में अपनाई जा रही तकनीक आधारित व्यवस्थाओं, बेहतर समन्वय तंत्र, त्वरित सूचना संप्रेषण प्रणाली तथा जनहितकारी योजनाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। अधिकारियों ने कहा कि उत्तर प्रदेश सूचना एवं जनसंपर्क विभाग ने सूचना प्रबंधन और जनसंपर्क के क्षेत्र में कई ऐसी प्रभावी व्यवस्थाएं विकसित की हैं, जिनका अध्ययन अन्य राज्यों के लिए भी उपयोगी एवं प्रेरणादायी सिद्ध हो सकता है।
इस अवसर पर दोनों राज्यों के अधिकारियों के बीच सूचना प्रसार, मीडिया प्रबंधन, डिजिटल संचार, जनसंपर्क अभियानों तथा सुशासन से जुड़े विभिन्न विषयों पर विचार-विमर्श भी हुआ। अध्ययन भ्रमण के माध्यम से प्राप्त अनुभवों को साझा करते हुए बिहार की टीम ने उत्तर प्रदेश सूचना एवं जनसंपर्क विभाग की कार्यशैली को व्यवस्थित, नवाचारपूर्ण एवं परिणामोन्मुख बताते हुए विभाग द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना की। अंत में टीम ने कहा कि उत्तर प्रदेश में जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रचार-प्रसार के लिए विकसित मॉडल अन्य राज्यों के लिए भी अनुकरणीय है।
धार्मिक स्थल के पास अंडा व शराब की बिक्री और रास्ता बाधित करने से ग्रामीणों में रोष*

ग्राम परनखा के पीड़ित ने डीएम को शिकायती पत्र भेजकर लगाई न्याय की गुहार*

रितेश मिश्रा
हरदोई बिलग्राम तहसील अंतर्गत थाना माधोगंज क्षेत्र के ग्राम परनखा (पोस्ट- खुर्दा मदारपुर) में धार्मिक स्थल के निकट ग्राम समाज की सरकारी भूमि पर दबंगों द्वारा अवैध कब्जा किए जाने का गंभीर मामला प्रकाश में आया है। गांव के ही एक जागरूक नागरिक अरविंद कुमार पुत्र राम औतार ने इस संबंध में जिलाधिकारी हरदोई को एक लिखित शिकायती पत्र भेजकर जांच कराने और दोषियों के खिलाफ दंडात्मक कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।
जिलाधिकारी को दिए गए प्रार्थना पत्र में शिकायतकर्ता अरविंद कुमार ने आरोप लगाया है कि ग्राम परनखा में एक प्राचीन शिव मंदिर स्थित है और वहीं पास में एक पूजनीय कुआं भी है, जो कि पूरी तरह से ग्राम समाज की जमीन पर बना हुआ है और ग्रामीणों की आस्था का केंद्र है। आरोप है कि गांव के ही निवासी हुकुम चंद पुत्र राधे लाल और घनश्याम पुत्र हुकुम चंद ने इस मंदिर व कुएं के पास की ग्राम समाज की बेशकीमती जमीन पर अवैध रूप से कब्जा कर लिया है। दबंगों द्वारा इस पवित्र स्थल के पास अवैध कब्जा करके एक किराना की दुकान, एक अंडे की दुकान और एक मोटरसाइकिल रिपेयरिंग की दुकान संचालित की जा रही है।शिकायतकर्ता का कहना है कि मंदिर जैसे पवित्र धार्मिक स्थल के बिल्कुल पास में अंडे और शराब की खिड़की खोलकर बिक्री धड़ल्ले से की जाती है, जो कि पूरी तरह से नियम और न्यायसंगत नहीं है। इससे मंदिर आने-जाने वाले श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंच रही है। इसके अलावा, उक्त लोगों द्वारा रात के समय मंदिर जाने वाले मुख्य रास्ते पर अपने वाहन (मोटरसाइकिल/गाड़ियाँ) आदि खड़े कर दिए जाते हैं, जिससे मंदिर का रास्ता भी पूरी तरह बाधित हो जाता है और ग्रामीणों को आने-जाने में भारी कठिनाई का सामना करना पड़ता है।पीड़ित और ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से इस गंभीर मामले का तत्काल संज्ञान लेने की अपील की है। प्रार्थना पत्र के माध्यम से मांग की गई है कि राजस्व और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम भेजकर मौके की निष्पक्ष जांच कराई जाए, ग्राम समाज की भूमि से अवैध कब्जा तत्काल हटवाया जाए और धार्मिक मर्यादा को ठेस पहुंचाने वाले तथा सरकारी भूमि पर कब्जा करने वाले उक्त व्यक्तियों के विरुद्ध सख्त दंडात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाए।
उपेक्षित पड़ा गुप्तकाल से जुड़ा पौराणिक महेश बाबा मंदिर, कायाकल्प के लिए जनप्रतिनिधियों ने कसी कमर*
रितेश मिश्रा
कछौना, हरदोई।* विकासखंड कछौना की ग्राम सभा समसपुर के ग्राम महेशन मढ़िया में स्थित प्राचीन महेश बाबा मंदिर के जीर्णोद्धार के लिए स्थानीय जनप्रतिनिधि ग्राम प्रधान रानू बाजपेई, अनूप कुमार मटरू व पूर्व मंडल अध्यक्ष नवीन पटेल, रामऔतार गोस्वामी ने सभापति अशोक अग्रवाल पत्र देकर जीर्णोद्धार कराने की मांग की, उन्होंने इस पौराणिक मंदिर के जीर्णोद्धार हेतु शासन को पत्र लिखा है। श्रद्धालुओं ने इस मंदिर के सौंदर्यीकरण व कायाकल्प की उम्मीद जग गई है। जिससे यह स्थल उत्तर प्रदेश के नक्शे पर एक पहचान बनेगा। विधानसभा बालामऊ की ग्राम सभा समसपुर के ग्राम महेशन मढ़िया में काफी प्राचीन मंदिर 12 एकड़ बाग में स्थित है। पुरानी मान्यता के अनुसार बाबा राघव दास महंत द्वारा 150 वर्ष पूर्व मंदिर की स्थापना की गई। इसमें ग्राम महरी, समसपुर, बर्राघूमन, कटका, सहोरिया आदि गांवो की भूमि अभिलेख में दर्द है। परंतु राघव दास महंत के निधन के बाद भू-माफिया ने कूटरचित द्वारा काफी भूमि अपने नाम हस्तांतरित कराली। इस मंदिर का 60 बीघा भूमि पर बाग है। यह ऐतिहासिक व पौराणिक स्थल है, यह जंगल के होने के कारण आक्रांताओं से बच गया था, प्राकृतिक अवस्था में स्थित है। शिव पार्वती की खंडित मूर्ति है। जनश्रुति के अनुसार गुप्त काल के पहले का है। पूरे देश में केवल दो ही स्थानों पर इस तरह के मंदिर हैं। मंदिर परिसर में ठाकुर द्वार में हनुमान मंदिर व राम जानकी मंदिर की स्थापना है, जो जीर्ण शीर्ण अवस्था में पड़ा है। यह प्रकृतिक स्थल में होने के कारण काफी रमणीक लगता है। दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक शांति मिलती है। वर्ष के में दो बार मेला लगता है। इसके सौंदर्यीकरण व जीर्णोद्धार के लिए ग्राम प्रधानगढ़ रानू बाजपेई, अनूप कुमार मटरू, जनसरोकार मंच के संयोजक परमेश्वर दयाल, सुरेंद्र सिंह, पूर्व मंडल अध्यक्ष नवीन पटेल, रामाऔतार गोस्वामी ने जीर्णोद्धार के लिए जनप्रतिनिधियों से गुहार लगाई है।
अब गर्भवती महिला की होंगी छह प्रसवपूर्व जाँचें
रितेश मिश्रा
हरदोई, मां और शिशु के बेहतर स्वास्थ्य परिणाम सुनिश्चित करने की दिशा में उत्तर प्रदेश सरकार ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। अब गर्भवती महिलाओं को न्यूनतम छह प्रसवपूर्व जांचों (एएनसी) से जोड़ने पर विशेष जोर दिया जाएगा। इससे पहले नियमित रूप से चार एएनसी जांचों का प्रावधान था। इस संबंध में परिवार कल्याण महानिदेशक डॉ. एच.डी. अग्रवाल ने सभी संबंधित अधिकारियों को विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. भवनाथ पांडे ने बताया कि  जनपद में प्रत्येक गर्भवती तक गुणवत्तापूर्ण मातृ स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना विभाग की प्राथमिकता है। नई व्यवस्था का उद्देश्य संभावित स्वास्थ्य जोखिमों की समय पर पहचान, आवश्यक चिकित्सकीय हस्तक्षेप सुनिश्चित करना तथा मातृ एवं नवजात मृत्यु दर में कमी लाना है। उन्होंने कहा कि सभी गर्भवती महिलाओं की शत-प्रतिशत प्रसवपूर्व जांच सुनिश्चित करना एक चुनौतीपूर्ण कार्य है, लेकिन नई व्यवस्था से उनकी निगरानी और अधिक प्रभावी ढंग से की जा सकेगी।
उन्होंने बताया कि प्रसवपूर्व जांचों की संख्या चार से बढ़ाकर छह किए जाने से गर्भवती महिलाओं के स्वास्थ्य की अधिक नियमित समीक्षा संभव होगी। इससे एनीमिया, गर्भावधि मधुमेह (जेस्टेशनल डायबिटीज), उच्च रक्तचाप तथा अन्य जोखिमपूर्ण स्थितियों की समय रहते पहचान और प्रबंधन के अधिक अवसर मिलेंगे, जिससे जटिलताओं को गंभीर होने से पहले नियंत्रित किया जा सकेगा।
नोडल डॉ. अरविन्द सचान ने कहा कि अतिरिक्त एएनसी विजिट से आशा, एएनएम और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को भी गर्भवती महिलाओं के साथ अधिक नियमित संपर्क का अवसर मिलेगा। इन मुलाकातों के दौरान महिलाओं को संतुलित पोषण, आयरन-फोलिक एसिड की गोलियों के नियमित सेवन, समय पर टीकाकरण, आवश्यक स्वास्थ्य जांच, संस्थागत प्रसव की तैयारी तथा नवजात शिशु की देखभाल के संबंध में परामर्श दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि परिवार के सदस्यों को भी गर्भावस्था और नवजात में दिखाई देने वाले खतरे के लक्षणों के प्रति जागरूक किया जाएगा, ताकि आवश्यकता पड़ने पर समय रहते स्वास्थ्य संस्थान से संपर्क किया जा सके।
प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान (पीएमएसएमए) के तहत प्रत्येक माह की 1, 9, 16 और 24 तारीख को स्वास्थ्य केंद्रों पर गर्भवतियों की जांच कर उच्च जोखिम गर्भावस्था (एचआरपी) की पहचान की जाती है और उनका प्रबंधन किया जाता है।
वर्ष 2025-26 में  पीएमएसएमए के तहत 84,271 गर्भवतियों की जांच की गई, जिनमें 6090 उच्च जोखिम गर्भावस्थाओं की पहचान की गई। चिन्हित उच्च जोखिम गर्भवतियों की नियमित निगरानी की गई तथा आवश्यकतानुसार उन्हें उच्चतर स्वास्थ्य संस्थानों के लिए रेफर किया गया।
एएनसी का समय निर्धारण इस प्रकार किया गया है—
पहली एएनसी : गर्भावस्था के पंजीकरण के तुरंत बाद, 12 सप्ताह के भीतर।
दूसरी एएनसी : 16 से 20 सप्ताह के बीच।
तीसरी एएनसी : 24 से 28 सप्ताह के बीच।
चौथी एएनसी : 28 से 32 सप्ताह के बीच।
पाँचवीं एएनसी : 32 से 36 सप्ताह के बीच।
छठी एएनसी : 36 से 40 सप्ताह के बीच।
पत्रकार बार्ता के दौरान भाजपा नेता ने पी. एम और सी.एम की जमकर प्रन्सशा।
                                       

रितेश मिश्रा
हरदोई ! भाजपा के वरिष्ठ नेता पूर्व सांसद नरेश अग्रवाल ने कहा है कि जिस तरीके से गंगा नदी की धारा उत्तरांचल से निकल कर पश्चिम बंगाल तक गई है ठीक उसी तरीके से भारतीय जनता पार्टी को भी पीएम नरेंद्र मोदी के करिश्माइ नेतृत्व के बलबूते  उत्तरांचल से लेकर पश्चिम बंगाल तक बेहद मजबूती  मिली है।
श्री अग्रवाल ने कहा कि पश्चिम बंगाल व असम विधानसभा चुनाव में भाजपा की प्रचंड जीत ने साबित कर दिया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी  देश के सर्वाधिक लोकप्रिय व सर्वमान्य  नेता है। उन्होने अपने पैतृक आवास पर पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा कि पीएम मोदी जी द्वारा विदेश , आर्थिक व रक्षा नीति में लिए गए निर्णय के चलते विश्व भर के देशों में पीएम की साथ तेजी के साथ बढ़ी है।
श्री अग्रवाल ने कहा कि ईरान युद्ध ने पूरे विश्व की अर्थव्यवस्था को हिलाकर रख दिया है ऐसे समय में पीएम मोदी जी ने जिस तरीके से देशवासियों का नेतृत्व कर जो साहसिक निर्णय लिये हैं उसे उन पर भरोसा अपेक्षाकृत और अधिक मजबूत हुआ है।यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ की कार्य शैली की मुक्त कंठ से सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की कानून व्यवस्था और विकास के लिए उन्होंने जो भी मॉडल अपनाया है उस मॉडल को देश के अन्य राज्य भी तेजी के साथ अपना रहे भाजपा नेता पूर्व सांसद नरेश अग्रवाल ने कहा कि अगले साल जिन राज्यों में विधानसभा चुनाव होने हैं उनमें भी भाजपा की जीत सुनिश्चित है।श्री अग्रवाल ने कानून व्यवस्था  व विकास के लिए अपने दृढ़ संकल्प को दोहराते हुए कहा कि जनपद मे  जिसने भी विकास किया है उसके बारे में यहां की जनता बखूबी जानती है विकास हमने किया या किसी और ने किया कुल मिलाकर हरदोई का विकास तो हुआ है ही।
पूर्व सांसद नरेश अग्रवाल ने हरदोई भाजपा जिला अध्यक्ष को सलाह दी कि वह पार्टी संगठन में अनुशासन को पूरी तरीके से कायम रखने के संदर्भ में उचित कदम उठाए।प्रेस वार्ता के दौरान हरदोई नगर पालिका के पूर्व अध्यक्ष पंडित राम प्रकाश शुक्ला एडवोकेट भी मौजूद थे।
तेल और गैस पर निर्भरता कम कर देश को समृद्ध बनाएं:सतीश जी
ऊर्जा आत्म निर्भरता अभियान के अंतर्गत कुकिंग हेतु इंडक्शन को बढ़ावा दें:सह संगठक

रितेश मिश्रा
हरदोई।"देश में डीजल ,पेट्रोल कुकिंग गैस की पर निर्भरता 88 प्रतिशत दूसरे देशों से हैं जिसके उपभोग के बिना हमारा जीवन चलता नहीं है, दूसरे देश पर निर्भर रहकर हम प्रतिदिन चार हजार करोड़ रूपया दूसरे देशों को भेजते हैं 42 देशों को हम अपना पैसा देते हैं, 55 प्रतिशत एलपीजी का आयात करते हैं, हम बिजली में आत्मनिर्भर हैं दूसरे देशों को हम बिजली निर्यात करते हैं तो क्यों न हम स्वदेशी बिजली का  अपनी रसोई में इंडक्शन आदि का प्रयोग कर ऊर्जा बचाने में सहयोग कर सकते हैं और देश को समृद्ध बनाने में अपना योगदान दे सकते हैं" उक्त विचार स्वावलंबी भारत अभियान एवं स्वदेशी जागरण मंच के आवाहन पर शहर के जेके पब्लिक स्कूल में आयोजित ऊर्जा आत्म निर्भरता अभियान संगोष्ठी में स्वावलंबी भारत अभियान एवं स्वदेशी जागरण मंच के राष्ट्रीय सह संगठक सतीश जी ने व्यक्त किए।
स्वावलंबी भारत अभियान एवं स्वदेशी जागरण मंच की ओर से आयोजित ऊर्जा आत्म निर्भरता अभियान संगोष्ठी का शुभारंभ मुख्य अतिथि सतीश जी, प्रांत समन्वयक हर्षवर्धन सिंह, जिला संयोजक अवनीश द्विवेदी,उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के जिला अध्यक्ष विमलेश दीक्षित,उद्योग व्यापार मंडल के पवन जैन, अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल के जिला अध्यक्ष अशफाक हुसैन,बौद्धिक प्रकोष्ठ के संजीव खरे,स्वदेशी जागरण मंच के प्रचारक राजीव जी ,गोष्ठी की अध्यक्षता कर रहे राजीव मोहन अवस्थी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलन कर किया। अध्यक्षता राजीव मोहन अवस्थी ने की। कवि श्याम त्रिवेदी पंकज और शिक्षक राजकुमार सिंह ने स्वदेशी गीत गाकर स्वदेशी अपनाने का आवाहन किया। वक्ताओं में हर्षवर्धन सिंह,विमलेश दीक्षित, पवन जैन ,अशफाक हुसैन, संजीव खरे, अवनीश द्विवेदी ने स्वदेशी अपनाओ और विदेशी सामानों का बहिष्कार करने की अपील की। सभी ने इस वैश्विक संकट पर छोटे-छोटे कार्यों में ऊर्जा ऊर्जा बचाकर देश की प्रगति में समृद्धि लाने में सहयोग की अपील की।
मुख्य अतिथि सतीश जी ने अपने उद्बोधन में कहा कि डीजल, पेट्रोल ,कुकिंग गैस में 88 प्रतिशत की पर निर्भरता दूसरे देशों पर है, प्रतिदिन 4000 करोड़ रूपया हम दूसरे देशों को भेजते हैं स्वतंत्रता के 78 वर्ष बाद भी 42 देश में अपना हम पैसा देते हैं एलपीजी 55 प्रतिशत आयात करते हैं, ऊर्जा बचाओ अभियान के अंतर्गत प्रधानमंत्री मोदी जी ने 7 दोनों पर अपील की थी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी जी के डीजल ,पेट्रोल,कुकिंग गैस, सोना यूरिया के कम प्रयोग करने का आवाहन किया था, क्या आप कह सकते हैं कि इस आवाहन का मोदी सरकार को क्या व्यक्तिगत लाभ देने वाला है क्या स्वयं के लिए आवाहन किया गया है?हम छोटी-छोटी जरूरत के लिए ऊर्जा बचाने का काम कर सकते हैं,हमारा देश बिजली पर आत्मनिर्भर है और हम दूसरे देशों को बिजली निर्यात करते हैं हम अपनी स्वदेशी बिजली का उपभोग रसोई गैस में इंडक्शन का प्रयोग करके कर सकते हैं जो कुकिंग गैस की अपेक्षा कम खर्चीला है यदि हम ऊर्जा को बचा लेते हैं तो पर्यावरण संतुलन सहित देश को समृद्ध बनाने में सहायक होंगे।सोना,यूरिया भी हम आयात करते हैं 834 टन सोना लगभग 6 लाख करोड रुपए का सोना आयात किया गया, इससे दूसरे देशों को हम डॉलर में तिजोरी भर रहे हैं। यूरिया खाद का इस बार 24 प्रतिशत का आयात ज्यादा हुआ,आखिर क्यों ?क्या खेती बढ़ गई ?हम जैविक खाद का खेती में अधिक से अधिक प्रयोग कर इस आयात को संतुलित करना पड़ेगा,कृषि वैज्ञानिकों ने भी कहा है कि हम यूरिया का
अधिकाधिक प्रयोग करके मिट्टी की उर्वरा शक्ति को अधिक उत्पादन के चक्कर में बर्बाद कर रहे हैं, पीने के पानी,पेय पदार्थों  पेप्सी ,कोका-कोला जैसी कंपनियों का बहिष्कार कर देश को समृद्ध बनाने में सहयोग कर सकते हैं। चिंतन का विषय है कि आखिर हम देश को समृद्ध बनाने में किस भूमिका का निर्वहन कर रहे हैं। प्रांत समन्वयक हर्षवर्धन सिंह ने आए हुए लोगों का आभार जताया। अध्यक्षीय उद्बोधन के बाद गोष्ठी का समापन किया गया। मंच का संचालन शोभित प्रताप सिंह तोमर ने किया।
जिला संयोजक अवनीश द्विवेदी ने बताया कि विदु शेखर प्रताप सिंह सह जिला जिला संयोजक, आशीष बाजपेई आशू सह जिला संयोजक ,अनुराग द्विवेदी अन्नू को जिला समन्वयक, महेश गुप्ता डब्लू को सह जिला समन्वयक, अजय सिंह को सह जिला संपर्क प्रमुख, जे. पी. दीक्षित को हरियावां खण्ड संयोजक, राजीव सिंह बबलू नगर समन्वयक, प्रखर गुप्ता को सह नगर समन्वयक, वरुण कुमार मिश्रा को सह समन्वयक शाहाबाद तहसील, इन्द्रेश कुमार बाजपेयी को सह जिला विचार विभाग प्रमुख, विकास मिश्रा टड़ियावां खण्ड संयोजक घोषित किए गए।
धार्मिक स्थल के पास अंडा व शराब की बिक्री और रास्ता बाधित करने से ग्रामीणों में रोष*
ग्राम परनखा के पीड़ित ने डीएम को शिकायती पत्र भेजकर लगाई न्याय की गुहार*

रितेश मिश्रा
हरदोई बिलग्राम तहसील अंतर्गत थाना माधोगंज क्षेत्र के ग्राम परनखा (पोस्ट- खुर्दा मदारपुर) में धार्मिक स्थल के निकट ग्राम समाज की सरकारी भूमि पर दबंगों द्वारा अवैध कब्जा किए जाने का गंभीर मामला प्रकाश में आया है। गांव के ही एक जागरूक नागरिक अरविंद कुमार पुत्र राम औतार ने इस संबंध में जिलाधिकारी हरदोई को एक लिखित शिकायती पत्र भेजकर जांच कराने और दोषियों के खिलाफ दंडात्मक कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।
जिलाधिकारी को दिए गए प्रार्थना पत्र में शिकायतकर्ता अरविंद कुमार ने आरोप लगाया है कि ग्राम परनखा में एक प्राचीन शिव मंदिर स्थित है और वहीं पास में एक पूजनीय कुआं भी है, जो कि पूरी तरह से ग्राम समाज की जमीन पर बना हुआ है और ग्रामीणों की आस्था का केंद्र है। आरोप है कि गांव के ही निवासी हुकुम चंद पुत्र राधे लाल और घनश्याम पुत्र हुकुम चंद ने इस मंदिर व कुएं के पास की ग्राम समाज की बेशकीमती जमीन पर अवैध रूप से कब्जा कर लिया है। दबंगों द्वारा इस पवित्र स्थल के पास अवैध कब्जा करके एक किराना की दुकान, एक अंडे की दुकान और एक मोटरसाइकिल रिपेयरिंग की दुकान संचालित की जा रही है।शिकायतकर्ता का कहना है कि मंदिर जैसे पवित्र धार्मिक स्थल के बिल्कुल पास में अंडे और शराब की खिड़की खोलकर बिक्री धड़ल्ले से की जाती है, जो कि पूरी तरह से नियम और न्यायसंगत नहीं है। इससे मंदिर आने-जाने वाले श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंच रही है। इसके अलावा, उक्त लोगों द्वारा रात के समय मंदिर जाने वाले मुख्य रास्ते पर अपने वाहन (मोटरसाइकिल/गाड़ियाँ) आदि खड़े कर दिए जाते हैं, जिससे मंदिर का रास्ता भी पूरी तरह बाधित हो जाता है और ग्रामीणों को आने-जाने में भारी कठिनाई का सामना करना पड़ता है।पीड़ित और ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से इस गंभीर मामले का तत्काल संज्ञान लेने की अपील की है। प्रार्थना पत्र के माध्यम से मांग की गई है कि राजस्व और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम भेजकर मौके की निष्पक्ष जांच कराई जाए, ग्राम समाज की भूमि से अवैध कब्जा तत्काल हटवाया जाए और धार्मिक मर्यादा को ठेस पहुंचाने वाले तथा सरकारी भूमि पर कब्जा करने वाले उक्त व्यक्तियों के विरुद्ध सख्त दंडात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाए।