सद्गति' के मंचन ने उठाया मानवीय गरिमा का सवाल

भोपाल। आसरा वृद्धाश्रम का शांत माहौल मानो किसी मौन पीड़ा का साक्षी बन गया था। भूख से तपता श्रमजीवी पिता जब मंच पर प्रवेश करता है, तो दर्शक सिर्फ एक पात्र को नहीं, बल्कि उस समाज को देखते हैं, जिसमें असमानता और संवेदनहीनता आज भी जीवित है। 

सेवन कलर्स कल्चरल एंड वेलफेयर सोसायटी की प्रस्तुति मुंशी प्रेमचंद की कालजयी कहानी 'सद्गति' उसी मौन को आवाज देती नजर आई। युवा रंगकर्मी अदनान खान के निर्देशन में मंचित यह नाटक एक ऐसे समाज का दर्पण था, जिसमें एक गरीब पिता अपनी बेटी के भविष्य के लिए सब कुछ सहता है। कहानी का नायक एक गरीब, श्रमजीवी और कई दिनों से भूखा व्यक्ति अपनी बेटी की सगाई के शुभमुहूर्त की आशा में पंडित के घर पहुंचता है। मगर मुहूर्त निकालने के बदले उससे कठोर श्रम कराया जाता है। 

भूख, थकान और शारीरिक दुर्बलता उसे धीरे-धीरे तोड़ देती है। अंततः वह वहीं गिरकर प्राण त्याग देता है, उसी आंगन में जिसमें वह अपनी बेटी के कल्याण की उम्मीद लेकर आया था। अंतिम दृश्य दर्शकों को यह सोचने पर विवश करता है कि क्या मनुष्य की पहचान अमीरी-गरीबी से तय होगी।

राजधानी लखनऊ में मीरजापुर के योग गुरु को योगकुलम ने किया सम्मानित

लखनऊ , कैसरबाग स्थित भारतखण्डे संस्कृति विश्वविद्यालय के प्रांगड़ में योग शक्ति समारोह 2026 का आयोजन योगकुलम संस्थान द्वारा किया गया , जिसमें विभिन्न राज्यों से पहुंचे योग विद्यार्थी अभिभावक व विशेष गणमान्य व्यक्तियों के साथ योग गुरुओं का आगमन हुआ।

कार्यक्रम का शुभारंभ संस्थापक डॉ मनीष प्रताप सिंह ने आए हुए अतिथियों के साथ दीप प्रज्वलन कर मां सरस्वती की वंदना के साथ किया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से योग में डिप्लोमा और पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा इन योग कर रहे योग के विद्यार्थियों को प्रणाम प ्र देकर ,एवं प्रदेश के विभिन्न जिलों में योग के क्षेत्र में उत्तम कार्य कर रहे योग गुरुओं को माल्यार्पण कर मोमेंटो प्रदान कर उन्हें संस्था की ओर से सम्मानित किया गया।

*इस अवसर पर* जनपद के साथ विभिन्न राज्यों देश विदेश एवं वैश्विक स्तर पर योग से अपनी अलग पहचान बनाने वाले तथा आज के युवाओं के रोल मॉडल योग गुरु राष्ट्रीय योग योगासन जज योगी ज्वाला का सम्मान का सम्मान प्राप्त करना जनपद के लिए गौरव का विषय है। सम्मानित होने पर योग गुरु योगी ज्वाला सिंह ने कहा कि जीवन के योग सेवा का अठारह वर्ष बड़ा ही सुंदर और सुनियोजित रूप से लोगों को उत्तम स्वास्थ्य प्रदान करते हुए उनकी तमाम प्रकार की बीमारियां और व्याधियों को दूर करते हुए हुए व्यतीत हो रहा है , जहां योग सेवा का मुख्य उद्देश्य ही है कि हर रोते हुए चेहरे पर मुस्कान लाना , समाज में रह रहे हर व्यक्ति को नशा व्यसन एवं दुर्व्यसन से मुक्त बनाना एवं हर परिवार को जीरो बैलेंस से स्वस्थ समृद्ध एवं नशामुक्त बनाना , उसके बाद ही जीवन का असली योग पूर्ण रूप से सिद्ध होगा।

जिसके लिए योगकुलम परिवार चालीस हजार योग शिक्षकों के माध्यम से इस अवसर पर डॉ मनीष प्रताप सिंह ने कहा कि योग आज भारत की दशा और दिशा को परिवर्तित करने का सबसे बड़ा साधन व माध्यम बन चुका है। भारत की दशा एवं दिशा को एक नया आयाम देने के लिए तथा स्वस्थ भारत एवं समृद्ध भारत का निर्माण करने के लिए योग के माध्यम से देश के विभिन्न कोने में अपनी सेवाओं से लोगों को उत्तम स्वास्थ्य प्रदान कर रहे योग गुरुओं के सम्मान के साथ साथ मीरजापुर के योग गुरु राष्ट्रीय योगासन जज योगी ज्वाला सिंह जी को सम्मानित कर योकुलम परिवार आज गौरव की अनुभूति कर रहा है। इस अवसर पर मुख्य निर्देशिका चीफ रिसर्च एवं डेवलपमेंट ऑफिसर सेजल कक्कड़ ने कहा कि योग सेवा मानव की सबसे बड़ी सेवा है , योग धर्म ही मानव का सबसे बड़ा धर्म है , क्यूंकि योग को जीवन का आत्मनुशासन बनाने वाला साधक ही जीवन में सफलता प्राप्त करता है , और लोगों के लिए आइकॉन तथा रोल मॉडल बनता है , संस्था योग गुरुओं का सम्मान कर गौरवान्वित है।
इस अवसर पर कार्यक्रम का कुशल संचालन करने वाले सर्वेश मिश्रा ने देश के वि भिन्न स्थानों से आए हुए योग गुरुओं एवं विद्यार्थियों का कार्यक्रम में उपस्थित होकर इसे सफल बनाने के लिए हृदय से धन्यवाद ज्ञापित कर आभार व्यक्त किया।
संस्कृत भाषा में हुआ विश्व कल्याण का प्रथम उद्घोष
मुंबई। महाराष्ट्र राज्य संस्कृत साहित्य अकादमी और आर्य समाज बोरीवली के संयुक्त तत्वावधान में ‘संस्कृतभाषाया: महत्त्वम्’ और ‘श्लोकवाचनस्पर्धा’ का आयोजन किया गया।अकादमी की ओर से सौरभ शिंदे ने आमंत्रित अतिथियों का स्वागत एवं अकादमी का परिचय दिया। डॉ.जितेंद्र पांडेय ने बीज वक्तव्य प्रस्तुत किया।कार्यक्रम के प्रथम सत्र में ‘श्लोकवाचनस्पर्धा’ का आयोजन किया गया जिसमें मुंबई महानगर एवं आसपास के जिलों से कई विद्यालयों ने हिस्सा लिया।इस स्पर्धा के निर्णायक आचार्य रामव्यास उपाध्याय और रामगोपाल पानेरी थे।स्पर्धा के उपरांत छात्रों को प्रथम, द्वितीय, तृतीय और सात सांत्वना पुरस्कार प्रदान किए  गए।कार्यक्रम के दूसरे सत्र में ‘संस्कृतभाषाया: महत्त्वम्’ पर परिचर्चा का आयोजन किया गया।इस सत्र की अध्यक्षता मुंबई विश्वविद्यालय की संस्कृत विभाग की पूर्व अध्यक्षा एवं असोसिएट प्रोफेसर डॉ.शकुंतला गावड़े ने किया। वरिष्ठ पत्रकार श्रीनारायण तिवारी बतौर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। वक्ता के रूप में शिक्षाविद् अवनीश दीक्षित ‘दिव्य’,आचार्य प्रभारंजन पाठक और आचार्य मिथिलेश आर्य मौजूद रहे।अतिथियों का परिचय सुमन मिश्रा ने कराया।अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में डॉ. शकुंतला गावड़े ने बताया कि संस्कृत एक व्यापक भाषा है। कार्यक्रम का संचालन डॉक्टर जितेंद्र पांडे ने किया।  कार्यक्रम की सह संचालक श्रीमती संगीता दुबे और श्रीमती प्रतिभा मिश्रा रही। इस अवसर पर महानगर के तमाम लेखक, शिक्षक एवं मीडियाकर्मी मौजूद रहे।आचार्य योगानंद सरस्वती, डॉ. पूजा अलापुरिया ‘हेमाक्ष’, आनंद अग्रवाल, डॉ. साधना शर्मा,श्रीमती भारती श्रीवास्तव, विनय शर्मा ‘दीप’,मुन्ना यादव ‘मयंक’, श्रीमती सुषमा सिंह,डॉ. अवनीश सिंह,अजीत उपाध्याय, सुशील दुबे,अजय बनारसी, लालबहादुर यादव,श्रीमती गायत्री पांडेय,श्रीमती शैली तिवारी,श्रीमती रेखा पाठक, श्रीमती मंजू सिंह,श्रीमती प्रियंका आदि गणमान्य उपस्थित थे।अंत में आर्य समाज गोरेगांव के महासचिव पवन अब्रॉल ने आभार प्रकट किया।
बिजली के तार और खंभों के पास लगा दी होलिका
*एएसपी बोले,1205 जगहों पर जलेंगी होलिकाएं, पुराने विवाद के आधार पर 25 अति संवेदनशील स्थान चिन्हित*


रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिले भर में होलिका दहन की तैयारियां तेज हो गई हैं। होलिका का आकार हर रोज बढ़ रहा है। उत्साह में लोग सुरक्षा का भी नहीं ध्यान दे रहे हैं।कई जगह बिजली के तारों के ठीक नीचे तो कहीं खंभे के पास ही होलिका स्थापित कर दी गई है। होलिका दहन पर हादसे की आशंका बनी हुई है। जिम्मेदार बेखबर है। एएसपी के मुताबिक जिले मं 1205 स्थानों पर होलिका दहन होगी। इसमें पुराने विवाद के आधार 25 स्थान अति संवेदनशील है। ऐसे स्थानों पर विशेष निगरानी की जाएगी। इन स्थानों पर सीसी टीवी कैमरे से निगरानी होगी।
वसंत पंचमी के दिन ही शहर से लेकर गांव तक होलिका की स्थापना शुरू हो गई थी। ज्ञानपुर के बालीपुर रोड, पुरानी बाजार मार्ग, भदोही शहर के मेन रोड, चौरी रोड, ज्ञानपुर रोड, तहसील मार्ग, स्टेशन रोड के साथ ही ग्रामीण इलाकों में होलिका की स्थापना कर दी गई थी।
इसके बाद आस्थावान उसमें प्रतिदिन उपले, झाड़, झखांड़ डाल रहे हैं। अबकी बार होलाष्टक के कारण होलिका दहन दो मार्च को ही किया जाएगा।
चार मार्च को होली खेली जाएगी। जिले के ग्रामीण अंचलों में भी होलिका लगाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। बच्चों और युवाओं की टोली होलिकाओं को सबसे अच्छा बनाने में जान जुट गए हैं। होलिका स्थापना के दौरान कई स्थानों पर लापरवाही की गई है। बिजली के गुजरे तार, खंभे या ट्रांसफार्मर के आसपास ही होलिका को लगाया गया है।
ज्ञानपुर के नथईपुर तिराहे पर तार के नीचे होलिका लगाई गई है। इसी तरह चौरी, सुरियावां, अभोली, ऊंज, सीतामढ़ी आदि क्षेत्रों में कई स्थानों पर होलिका बिजली के तार के नीचे स्थापित की गई है।
तीन जोन और नौ सेक्टर में बंटा जिला :होलिका दहन और होली पर्व को सकुशल संपन्न कराने के लिए पुलिस और प्रशासन अलर्ट मोड में है। थानावार और जिला स्तर पर पीस कमेटी की बैठक हो चुकी है। जिले को तीन जोन और नौ सेक्टरों में बांटा गया है। एएसपी शुभम अग्रवाल ने बताया कि शहर से लेकर गांव तक कुल 1205 होलिका सुरक्षा समिति गठित की गई हैं। इसमें बीट प्रभारी, प्रधान, चौकीदार और एक ग्रामीण को शामिल किया गया है। कुल 25 संवेदनशील और अतिसंवेदनशील होलिकाएं चिह्नित की गई हैं।
मातृ समृद्धि उत्सव 2.0 में मातृशक्ति का सम्मान, प्रतिभाओं ने बिखेरा जलवा
मेरठ/बहसूमा। क्षेत्र के उत्तम पब्लिक स्कूल, रहावती में ‘मातृ समृद्धि उत्सव सीजन 2.0’ बड़े ही हर्षोल्लास के साथ आयोजित किया गया। माताओं के प्रेम, समर्पण और समाज निर्माण में उनकी प्रेरणादायक भूमिका को सम्मानित करने के उद्देश्य से आयोजित इस कार्यक्रम में मातृशक्ति का उत्साह देखते ही बनता था। विद्यालय में यह आयोजन लगातार दूसरे वर्ष संपन्न हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में महिलाओं ने भाग लेकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।

कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि श्रीमती प्रतिभा सिंह, थाना अध्यक्ष बहसूमा, तथा अति विशिष्ट अतिथि श्रीमती खुशबू उपाध्याय, फॉरेस्ट ऑफिसर हस्तिनापुर रेंज, ने फीता काटकर किया। मुख्य अतिथि ने महिलाओं को आपातकालीन सेवाओं के हेल्पलाइन नंबर 112, महिला हेल्पलाइन 1091 तथा चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 की जानकारी देते हुए सुरक्षा और जागरूकता का संदेश दिया। वहीं अति विशिष्ट अतिथि ने संयुक्त परिवार की महत्ता और संस्कारों से समृद्ध समाज निर्माण पर जोर दिया।

कार्यक्रम में छात्राओं ने रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं, जबकि माताओं ने कविता, भजन, नृत्य और नाट्य प्रस्तुतियों से अपनी प्रतिभा का परिचय दिया। प्रतिभागी माताओं को सम्मानित किया गया और विभिन्न लकी ड्रॉ तथा बंपर पुरस्कारों ने आयोजन में उत्साह भर दिया। फूलों से होली खेलकर पर्यावरण संरक्षण और इको-फ्रेंडली होली का संदेश भी दिया गया।

विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती ममता चौधरी ने अतिथियों का स्वागत करते हुए जल संरक्षण व वृक्षारोपण का संदेश दिया। अंत में प्रबंधक श्री सी.एस. चौधरी ने सभी का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का संचालन श्रीमती पूजा गुप्ता एवं श्रीमती नौशाबा परवीन ने संयुक्त रूप से किया।
परिवार परामर्श केन्द्र में 01 जोड़ा एक साथ रहने को हुआ राजी
गोण्डा। रविवार जनपद गोण्डा के रिजर्व पुलिस लाइन में आयोजित परिवार परामर्श केन्द्र में पुलिस अधीक्षक गोण्डा श्री विनीत जायसवाल के निर्देशन में परामर्शदाताओं द्वारा बिछडे जोड़ों की समस्याओं को सुनकर उनका निराकरण किया गया तथा 01 जोड़े को समझा बुझाकर सुखी जीवन जीने हेतु राजी कर लिया गया।

*परिवार परामर्श केन्द्र में उपस्थिति सदस्यगण-*
प्रभारी निरीक्षक महिला थाना श्रीमती अनीता यादव, श्री यशोदानंदन त्रिपाठी, श्री शशि कुमार भारती, सुश्री उमा सिंह, म0आ0 अनुप्रिया सिंह आदि उपस्थित रहे।
बिजली के तार और खंभों के पास लगा दी होलिका

*एएसपी बोले,1205 जगहों पर जलेंगी होलिकाएं, पुराने विवाद के आधार पर 25 अति संवेदनशील स्थान चिन्हित*


रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिले भर में होलिका दहन की तैयारियां तेज हो गई हैं। होलिका का आकार हर रोज बढ़ रहा है। उत्साह में लोग सुरक्षा का भी नहीं ध्यान दे रहे हैं।कई जगह बिजली के तारों के ठीक नीचे तो कहीं खंभे के पास ही होलिका स्थापित कर दी गई है। होलिका दहन पर हादसे की आशंका बनी हुई है। जिम्मेदार बेखबर है। एएसपी के मुताबिक जिले मं 1205 स्थानों पर होलिका दहन होगी। इसमें पुराने विवाद के आधार 25 स्थान अति संवेदनशील है। ऐसे स्थानों पर विशेष निगरानी की जाएगी। इन स्थानों पर सीसी टीवी कैमरे से निगरानी होगी।
वसंत पंचमी के दिन ही शहर से लेकर गांव तक होलिका की स्थापना शुरू हो गई थी। ज्ञानपुर के बालीपुर रोड, पुरानी बाजार मार्ग, भदोही शहर के मेन रोड, चौरी रोड, ज्ञानपुर रोड, तहसील मार्ग, स्टेशन रोड के साथ ही ग्रामीण इलाकों में होलिका की स्थापना कर दी गई थी।
इसके बाद आस्थावान उसमें प्रतिदिन उपले, झाड़, झखांड़ डाल रहे हैं। अबकी बार होलाष्टक के कारण होलिका दहन दो मार्च को ही किया जाएगा।
चार मार्च को होली खेली जाएगी। जिले के ग्रामीण अंचलों में भी होलिका लगाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। बच्चों और युवाओं की टोली होलिकाओं को सबसे अच्छा बनाने में जान जुट गए हैं। होलिका स्थापना के दौरान कई स्थानों पर लापरवाही की गई है। बिजली के गुजरे तार, खंभे या ट्रांसफार्मर के आसपास ही होलिका को लगाया गया है।
ज्ञानपुर के नथईपुर तिराहे पर तार के नीचे होलिका लगाई गई है। इसी तरह चौरी, सुरियावां, अभोली, ऊंज, सीतामढ़ी आदि क्षेत्रों में कई स्थानों पर होलिका बिजली के तार के नीचे स्थापित की गई है।
तीन जोन और नौ सेक्टर में बंटा जिला :होलिका दहन और होली पर्व को सकुशल संपन्न कराने के लिए पुलिस और प्रशासन अलर्ट मोड में है। थानावार और जिला स्तर पर पीस कमेटी की बैठक हो चुकी है। जिले को तीन जोन और नौ सेक्टरों में बांटा गया है। एएसपी शुभम अग्रवाल ने बताया कि शहर से लेकर गांव तक कुल 1205 होलिका सुरक्षा समिति गठित की गई हैं। इसमें बीट प्रभारी, प्रधान, चौकीदार और एक ग्रामीण को शामिल किया गया है। कुल 25 संवेदनशील और अतिसंवेदनशील होलिकाएं चिह्नित की गई हैं।
अतरौलिया थाना क्षेत्र में युवती के हाथ में देशी कट्टा लहराने का फोटो वायरल







आजमगढ़ जनपद के अतरौलिया थाना क्षेत्र के महादेवपुर गांव का एक फोटो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल फोटो में एक युवती के हाथ में कथित तौर पर देशी कट्टा दिखाई दे रहा है, जिससे क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। जानकारी के अनुसार महादेवपुर गांव निवासी खुशबू निषाद पुत्री राजेश निषाद का नाम इस मामले में सामने आ रहा है। बताया जा रहा है कि फोटो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा किया गया, जिसके बाद यह तेजी से लोगों के बीच फैल गया। हालांकि वायरल फोटो की सत्यता की आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हो सकी है। मामले को लेकर स्थानीय पुलिस जांच में जुटी हुई है। यदि फोटो सही पाया जाता है तो अवैध असलहा रखने और प्रदर्शित करने के मामले में संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की जा सकती है। गांव के लोगों का कहना है कि इस तरह की तस्वीरें समाज में गलत संदेश देती हैं और युवाओं को कानून के प्रति जागरूक रहने की आवश्यकता है। फिलहाल पुलिस प्रशासन पूरे प्रकरण की गंभीरता से जांच कर रहा है।
गौरैया आओ मेरे देश अभियान पर छात्र छात्राओं एवं ग्रामीणों को कर रही है जागरूकता अभियान*
कटका क्लब सामाजिक संस्था के द्वारा जयसिंहपुर क्षेत्र स्थित निजी स्कूल में गौरैया आओ मेरे देश अभियान पर छात्र छात्राओं एवं ग्रामीणों को कर रही है जागरूकता अभियान। कार्यक्रम का नेतृत्व संस्था अध्यक्ष डॉ सौरभ मिश्र विनम्र ने किया। गोष्ठी के मुख्यवक्ता शिक्षक साहित्यकार सर्वेश कांत वर्मा ने बताया कि गौरैया को वापस आंगन में बुलाने के लिए हमें अपने घरों में कृत्रिम घोंसले लगाने छत या बालकनी में दाना-पानी रखने और मोबाइल टॉवरों के रेडिएशन को कम करने की जरूरत है। शहरीकरण और बदलते घरों के कारण यह नन्ही चिड़िया लुप्त हो रही है इसलिए इसके संरक्षण के लिए छोटे-छोटे प्रयास बहुत महत्वपूर्ण हैं। और संस्था इस विषय में कर रही है कार्य। संस्था अध्यक्ष डॉ सौरभ मिश्र विनम्र ने बताया कि बीस मार्च तक गांव और क्षेत्र के अमजमानस को गौरैया के प्रति जागरुक किया जाएगा उसके बाद पक्षी जलपत्र और घोंसले लगवाने पर संस्था कार्य करेंगी। संस्था कि तरफ से मांग है इस कदम में जनपद और प्रदेश में वन विभाग को बड़े स्तर पर कार्य करने कि जरूरत है। इस मौके पर पवन तिवारी, विनय सिंह, विजय लक्ष्मी, श्रेया, दीक्षा यादव, गुड्डू, अमिता सिंह, रमेश यादव दर्जनों लोग उपस्थित रहे।
ईरान के सुप्रीम लीडर की मौत पर भारत में प्रदर्शन, लखनऊ से लेकर श्रीनगर तक सड़क पर उतरे लोग

#protestsacrossindiaafterdeathofiransupremeleader_khamenei

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इजरायल और अमेरिका के हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की मौत के बाद भारत में भी प्रदर्शन शुरू हो गए है। भारत के कई राज्यों में विरोध प्रदर्शन तेज हो गए हैं। कश्मीर से लेकर लखनऊ में शिया समुदाय के लोग सड़कों पर उतर आए।

खामेनेई की हत्या के बाद लाल चौक पर विरोध प्रदर्शन

जम्मू कश्मीर के लाल चौक पर शिया समुदाय के लोगों ने खामेनेई की हत्या के बाद विरोध किया है। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने अमेरिका और इजरायल के खिलाफ नारे लगाए और ईरान के समर्थन में आवाज उठाई। एक प्रदर्शनकारी ने कहा कि हमारे प्रिय नेता अली खामेनेई शहीद हो गए हैं। यह शोक जुलूस शहर के बीचों-बीच शांतिपूर्वक निकाला जा रहा है। इस दौरान लोगों ने खामेनेई की तस्वीरें, काले झंडे और ईरान के समर्थन वाले बैनर उठाए हुए थे। श्रीनगर की सड़कों पर मातमी गीत (नौहा) भी पढ़े गए।

लखनऊ में शिया समुदाय तीन दिन मनाएंगे शोक

आयतुल्ला खामेनेईई की मौत पर लखनऊ में भी शिया समुदाय के लोग सड़कों पर उतर आए। शिया समुदाय के लोगों ने तीन दिवसीय शोक घोषित किया है। इसके तहत शिया समुदाय के लोग अपने प्रतिष्ठान बंद रखकर श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे। इस संबंध में मौलाना कल्बे जवाद ने तमाम उम्मते मुस्लिमा और इंसानियत परस्त लोगों से शोक में शामिल होने की अपील की है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार सुबह बैठक में सभी जिलों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। इसके तहत लखनऊ समेत प्रदेश के विभिन्न जिलों में पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों की निगरानी बढ़ा दी गई है।

भारत स्थित ईरानी दूतावास ने की चुप ना रहने की अपील

ईरान के सर्वोच्च नेता आयातुल्लाह अली खामेनेई की मौत के बाद भारत स्थित ईरानी दूतावास ने दुनिया भर की सरकारों से अमेरिकी-इजराइली हमले की कड़ी निंदा करने और चुप न रहने की अपील की है। जारी बयान में दूतावास ने खामेनेई की मौत पर गहरा दुख और शोक व्यक्त किया। ईरान के सरकारी मीडिया ने रविवार तड़के पुष्टि की कि अमेरिका और इजरायल द्वारा किए गए हमले में उनकी मृत्यु हुई। दूतावास ने कहा कि स्वतंत्र और न्यायप्रिय राष्ट्रों को इस खुले अपराध की स्पष्ट शब्दों में निंदा करनी चाहिए और आक्रामकता के सामने मौन नहीं रहना चाहिए। बयान में यह भी कहा गया कि अमेरिका और इजरायल को इस कार्रवाई के गंभीर परिणाम भुगतने होंगे।

सद्गति' के मंचन ने उठाया मानवीय गरिमा का सवाल

भोपाल। आसरा वृद्धाश्रम का शांत माहौल मानो किसी मौन पीड़ा का साक्षी बन गया था। भूख से तपता श्रमजीवी पिता जब मंच पर प्रवेश करता है, तो दर्शक सिर्फ एक पात्र को नहीं, बल्कि उस समाज को देखते हैं, जिसमें असमानता और संवेदनहीनता आज भी जीवित है। 

सेवन कलर्स कल्चरल एंड वेलफेयर सोसायटी की प्रस्तुति मुंशी प्रेमचंद की कालजयी कहानी 'सद्गति' उसी मौन को आवाज देती नजर आई। युवा रंगकर्मी अदनान खान के निर्देशन में मंचित यह नाटक एक ऐसे समाज का दर्पण था, जिसमें एक गरीब पिता अपनी बेटी के भविष्य के लिए सब कुछ सहता है। कहानी का नायक एक गरीब, श्रमजीवी और कई दिनों से भूखा व्यक्ति अपनी बेटी की सगाई के शुभमुहूर्त की आशा में पंडित के घर पहुंचता है। मगर मुहूर्त निकालने के बदले उससे कठोर श्रम कराया जाता है। 

भूख, थकान और शारीरिक दुर्बलता उसे धीरे-धीरे तोड़ देती है। अंततः वह वहीं गिरकर प्राण त्याग देता है, उसी आंगन में जिसमें वह अपनी बेटी के कल्याण की उम्मीद लेकर आया था। अंतिम दृश्य दर्शकों को यह सोचने पर विवश करता है कि क्या मनुष्य की पहचान अमीरी-गरीबी से तय होगी।

राजधानी लखनऊ में मीरजापुर के योग गुरु को योगकुलम ने किया सम्मानित

लखनऊ , कैसरबाग स्थित भारतखण्डे संस्कृति विश्वविद्यालय के प्रांगड़ में योग शक्ति समारोह 2026 का आयोजन योगकुलम संस्थान द्वारा किया गया , जिसमें विभिन्न राज्यों से पहुंचे योग विद्यार्थी अभिभावक व विशेष गणमान्य व्यक्तियों के साथ योग गुरुओं का आगमन हुआ।

कार्यक्रम का शुभारंभ संस्थापक डॉ मनीष प्रताप सिंह ने आए हुए अतिथियों के साथ दीप प्रज्वलन कर मां सरस्वती की वंदना के साथ किया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से योग में डिप्लोमा और पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा इन योग कर रहे योग के विद्यार्थियों को प्रणाम प ्र देकर ,एवं प्रदेश के विभिन्न जिलों में योग के क्षेत्र में उत्तम कार्य कर रहे योग गुरुओं को माल्यार्पण कर मोमेंटो प्रदान कर उन्हें संस्था की ओर से सम्मानित किया गया।

*इस अवसर पर* जनपद के साथ विभिन्न राज्यों देश विदेश एवं वैश्विक स्तर पर योग से अपनी अलग पहचान बनाने वाले तथा आज के युवाओं के रोल मॉडल योग गुरु राष्ट्रीय योग योगासन जज योगी ज्वाला का सम्मान का सम्मान प्राप्त करना जनपद के लिए गौरव का विषय है। सम्मानित होने पर योग गुरु योगी ज्वाला सिंह ने कहा कि जीवन के योग सेवा का अठारह वर्ष बड़ा ही सुंदर और सुनियोजित रूप से लोगों को उत्तम स्वास्थ्य प्रदान करते हुए उनकी तमाम प्रकार की बीमारियां और व्याधियों को दूर करते हुए हुए व्यतीत हो रहा है , जहां योग सेवा का मुख्य उद्देश्य ही है कि हर रोते हुए चेहरे पर मुस्कान लाना , समाज में रह रहे हर व्यक्ति को नशा व्यसन एवं दुर्व्यसन से मुक्त बनाना एवं हर परिवार को जीरो बैलेंस से स्वस्थ समृद्ध एवं नशामुक्त बनाना , उसके बाद ही जीवन का असली योग पूर्ण रूप से सिद्ध होगा।

जिसके लिए योगकुलम परिवार चालीस हजार योग शिक्षकों के माध्यम से इस अवसर पर डॉ मनीष प्रताप सिंह ने कहा कि योग आज भारत की दशा और दिशा को परिवर्तित करने का सबसे बड़ा साधन व माध्यम बन चुका है। भारत की दशा एवं दिशा को एक नया आयाम देने के लिए तथा स्वस्थ भारत एवं समृद्ध भारत का निर्माण करने के लिए योग के माध्यम से देश के विभिन्न कोने में अपनी सेवाओं से लोगों को उत्तम स्वास्थ्य प्रदान कर रहे योग गुरुओं के सम्मान के साथ साथ मीरजापुर के योग गुरु राष्ट्रीय योगासन जज योगी ज्वाला सिंह जी को सम्मानित कर योकुलम परिवार आज गौरव की अनुभूति कर रहा है। इस अवसर पर मुख्य निर्देशिका चीफ रिसर्च एवं डेवलपमेंट ऑफिसर सेजल कक्कड़ ने कहा कि योग सेवा मानव की सबसे बड़ी सेवा है , योग धर्म ही मानव का सबसे बड़ा धर्म है , क्यूंकि योग को जीवन का आत्मनुशासन बनाने वाला साधक ही जीवन में सफलता प्राप्त करता है , और लोगों के लिए आइकॉन तथा रोल मॉडल बनता है , संस्था योग गुरुओं का सम्मान कर गौरवान्वित है।
इस अवसर पर कार्यक्रम का कुशल संचालन करने वाले सर्वेश मिश्रा ने देश के वि भिन्न स्थानों से आए हुए योग गुरुओं एवं विद्यार्थियों का कार्यक्रम में उपस्थित होकर इसे सफल बनाने के लिए हृदय से धन्यवाद ज्ञापित कर आभार व्यक्त किया।
संस्कृत भाषा में हुआ विश्व कल्याण का प्रथम उद्घोष
मुंबई। महाराष्ट्र राज्य संस्कृत साहित्य अकादमी और आर्य समाज बोरीवली के संयुक्त तत्वावधान में ‘संस्कृतभाषाया: महत्त्वम्’ और ‘श्लोकवाचनस्पर्धा’ का आयोजन किया गया।अकादमी की ओर से सौरभ शिंदे ने आमंत्रित अतिथियों का स्वागत एवं अकादमी का परिचय दिया। डॉ.जितेंद्र पांडेय ने बीज वक्तव्य प्रस्तुत किया।कार्यक्रम के प्रथम सत्र में ‘श्लोकवाचनस्पर्धा’ का आयोजन किया गया जिसमें मुंबई महानगर एवं आसपास के जिलों से कई विद्यालयों ने हिस्सा लिया।इस स्पर्धा के निर्णायक आचार्य रामव्यास उपाध्याय और रामगोपाल पानेरी थे।स्पर्धा के उपरांत छात्रों को प्रथम, द्वितीय, तृतीय और सात सांत्वना पुरस्कार प्रदान किए  गए।कार्यक्रम के दूसरे सत्र में ‘संस्कृतभाषाया: महत्त्वम्’ पर परिचर्चा का आयोजन किया गया।इस सत्र की अध्यक्षता मुंबई विश्वविद्यालय की संस्कृत विभाग की पूर्व अध्यक्षा एवं असोसिएट प्रोफेसर डॉ.शकुंतला गावड़े ने किया। वरिष्ठ पत्रकार श्रीनारायण तिवारी बतौर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। वक्ता के रूप में शिक्षाविद् अवनीश दीक्षित ‘दिव्य’,आचार्य प्रभारंजन पाठक और आचार्य मिथिलेश आर्य मौजूद रहे।अतिथियों का परिचय सुमन मिश्रा ने कराया।अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में डॉ. शकुंतला गावड़े ने बताया कि संस्कृत एक व्यापक भाषा है। कार्यक्रम का संचालन डॉक्टर जितेंद्र पांडे ने किया।  कार्यक्रम की सह संचालक श्रीमती संगीता दुबे और श्रीमती प्रतिभा मिश्रा रही। इस अवसर पर महानगर के तमाम लेखक, शिक्षक एवं मीडियाकर्मी मौजूद रहे।आचार्य योगानंद सरस्वती, डॉ. पूजा अलापुरिया ‘हेमाक्ष’, आनंद अग्रवाल, डॉ. साधना शर्मा,श्रीमती भारती श्रीवास्तव, विनय शर्मा ‘दीप’,मुन्ना यादव ‘मयंक’, श्रीमती सुषमा सिंह,डॉ. अवनीश सिंह,अजीत उपाध्याय, सुशील दुबे,अजय बनारसी, लालबहादुर यादव,श्रीमती गायत्री पांडेय,श्रीमती शैली तिवारी,श्रीमती रेखा पाठक, श्रीमती मंजू सिंह,श्रीमती प्रियंका आदि गणमान्य उपस्थित थे।अंत में आर्य समाज गोरेगांव के महासचिव पवन अब्रॉल ने आभार प्रकट किया।
बिजली के तार और खंभों के पास लगा दी होलिका
*एएसपी बोले,1205 जगहों पर जलेंगी होलिकाएं, पुराने विवाद के आधार पर 25 अति संवेदनशील स्थान चिन्हित*


रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिले भर में होलिका दहन की तैयारियां तेज हो गई हैं। होलिका का आकार हर रोज बढ़ रहा है। उत्साह में लोग सुरक्षा का भी नहीं ध्यान दे रहे हैं।कई जगह बिजली के तारों के ठीक नीचे तो कहीं खंभे के पास ही होलिका स्थापित कर दी गई है। होलिका दहन पर हादसे की आशंका बनी हुई है। जिम्मेदार बेखबर है। एएसपी के मुताबिक जिले मं 1205 स्थानों पर होलिका दहन होगी। इसमें पुराने विवाद के आधार 25 स्थान अति संवेदनशील है। ऐसे स्थानों पर विशेष निगरानी की जाएगी। इन स्थानों पर सीसी टीवी कैमरे से निगरानी होगी।
वसंत पंचमी के दिन ही शहर से लेकर गांव तक होलिका की स्थापना शुरू हो गई थी। ज्ञानपुर के बालीपुर रोड, पुरानी बाजार मार्ग, भदोही शहर के मेन रोड, चौरी रोड, ज्ञानपुर रोड, तहसील मार्ग, स्टेशन रोड के साथ ही ग्रामीण इलाकों में होलिका की स्थापना कर दी गई थी।
इसके बाद आस्थावान उसमें प्रतिदिन उपले, झाड़, झखांड़ डाल रहे हैं। अबकी बार होलाष्टक के कारण होलिका दहन दो मार्च को ही किया जाएगा।
चार मार्च को होली खेली जाएगी। जिले के ग्रामीण अंचलों में भी होलिका लगाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। बच्चों और युवाओं की टोली होलिकाओं को सबसे अच्छा बनाने में जान जुट गए हैं। होलिका स्थापना के दौरान कई स्थानों पर लापरवाही की गई है। बिजली के गुजरे तार, खंभे या ट्रांसफार्मर के आसपास ही होलिका को लगाया गया है।
ज्ञानपुर के नथईपुर तिराहे पर तार के नीचे होलिका लगाई गई है। इसी तरह चौरी, सुरियावां, अभोली, ऊंज, सीतामढ़ी आदि क्षेत्रों में कई स्थानों पर होलिका बिजली के तार के नीचे स्थापित की गई है।
तीन जोन और नौ सेक्टर में बंटा जिला :होलिका दहन और होली पर्व को सकुशल संपन्न कराने के लिए पुलिस और प्रशासन अलर्ट मोड में है। थानावार और जिला स्तर पर पीस कमेटी की बैठक हो चुकी है। जिले को तीन जोन और नौ सेक्टरों में बांटा गया है। एएसपी शुभम अग्रवाल ने बताया कि शहर से लेकर गांव तक कुल 1205 होलिका सुरक्षा समिति गठित की गई हैं। इसमें बीट प्रभारी, प्रधान, चौकीदार और एक ग्रामीण को शामिल किया गया है। कुल 25 संवेदनशील और अतिसंवेदनशील होलिकाएं चिह्नित की गई हैं।
मातृ समृद्धि उत्सव 2.0 में मातृशक्ति का सम्मान, प्रतिभाओं ने बिखेरा जलवा
मेरठ/बहसूमा। क्षेत्र के उत्तम पब्लिक स्कूल, रहावती में ‘मातृ समृद्धि उत्सव सीजन 2.0’ बड़े ही हर्षोल्लास के साथ आयोजित किया गया। माताओं के प्रेम, समर्पण और समाज निर्माण में उनकी प्रेरणादायक भूमिका को सम्मानित करने के उद्देश्य से आयोजित इस कार्यक्रम में मातृशक्ति का उत्साह देखते ही बनता था। विद्यालय में यह आयोजन लगातार दूसरे वर्ष संपन्न हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में महिलाओं ने भाग लेकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।

कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि श्रीमती प्रतिभा सिंह, थाना अध्यक्ष बहसूमा, तथा अति विशिष्ट अतिथि श्रीमती खुशबू उपाध्याय, फॉरेस्ट ऑफिसर हस्तिनापुर रेंज, ने फीता काटकर किया। मुख्य अतिथि ने महिलाओं को आपातकालीन सेवाओं के हेल्पलाइन नंबर 112, महिला हेल्पलाइन 1091 तथा चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 की जानकारी देते हुए सुरक्षा और जागरूकता का संदेश दिया। वहीं अति विशिष्ट अतिथि ने संयुक्त परिवार की महत्ता और संस्कारों से समृद्ध समाज निर्माण पर जोर दिया।

कार्यक्रम में छात्राओं ने रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं, जबकि माताओं ने कविता, भजन, नृत्य और नाट्य प्रस्तुतियों से अपनी प्रतिभा का परिचय दिया। प्रतिभागी माताओं को सम्मानित किया गया और विभिन्न लकी ड्रॉ तथा बंपर पुरस्कारों ने आयोजन में उत्साह भर दिया। फूलों से होली खेलकर पर्यावरण संरक्षण और इको-फ्रेंडली होली का संदेश भी दिया गया।

विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती ममता चौधरी ने अतिथियों का स्वागत करते हुए जल संरक्षण व वृक्षारोपण का संदेश दिया। अंत में प्रबंधक श्री सी.एस. चौधरी ने सभी का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का संचालन श्रीमती पूजा गुप्ता एवं श्रीमती नौशाबा परवीन ने संयुक्त रूप से किया।
परिवार परामर्श केन्द्र में 01 जोड़ा एक साथ रहने को हुआ राजी
गोण्डा। रविवार जनपद गोण्डा के रिजर्व पुलिस लाइन में आयोजित परिवार परामर्श केन्द्र में पुलिस अधीक्षक गोण्डा श्री विनीत जायसवाल के निर्देशन में परामर्शदाताओं द्वारा बिछडे जोड़ों की समस्याओं को सुनकर उनका निराकरण किया गया तथा 01 जोड़े को समझा बुझाकर सुखी जीवन जीने हेतु राजी कर लिया गया।

*परिवार परामर्श केन्द्र में उपस्थिति सदस्यगण-*
प्रभारी निरीक्षक महिला थाना श्रीमती अनीता यादव, श्री यशोदानंदन त्रिपाठी, श्री शशि कुमार भारती, सुश्री उमा सिंह, म0आ0 अनुप्रिया सिंह आदि उपस्थित रहे।
बिजली के तार और खंभों के पास लगा दी होलिका

*एएसपी बोले,1205 जगहों पर जलेंगी होलिकाएं, पुराने विवाद के आधार पर 25 अति संवेदनशील स्थान चिन्हित*


रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिले भर में होलिका दहन की तैयारियां तेज हो गई हैं। होलिका का आकार हर रोज बढ़ रहा है। उत्साह में लोग सुरक्षा का भी नहीं ध्यान दे रहे हैं।कई जगह बिजली के तारों के ठीक नीचे तो कहीं खंभे के पास ही होलिका स्थापित कर दी गई है। होलिका दहन पर हादसे की आशंका बनी हुई है। जिम्मेदार बेखबर है। एएसपी के मुताबिक जिले मं 1205 स्थानों पर होलिका दहन होगी। इसमें पुराने विवाद के आधार 25 स्थान अति संवेदनशील है। ऐसे स्थानों पर विशेष निगरानी की जाएगी। इन स्थानों पर सीसी टीवी कैमरे से निगरानी होगी।
वसंत पंचमी के दिन ही शहर से लेकर गांव तक होलिका की स्थापना शुरू हो गई थी। ज्ञानपुर के बालीपुर रोड, पुरानी बाजार मार्ग, भदोही शहर के मेन रोड, चौरी रोड, ज्ञानपुर रोड, तहसील मार्ग, स्टेशन रोड के साथ ही ग्रामीण इलाकों में होलिका की स्थापना कर दी गई थी।
इसके बाद आस्थावान उसमें प्रतिदिन उपले, झाड़, झखांड़ डाल रहे हैं। अबकी बार होलाष्टक के कारण होलिका दहन दो मार्च को ही किया जाएगा।
चार मार्च को होली खेली जाएगी। जिले के ग्रामीण अंचलों में भी होलिका लगाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। बच्चों और युवाओं की टोली होलिकाओं को सबसे अच्छा बनाने में जान जुट गए हैं। होलिका स्थापना के दौरान कई स्थानों पर लापरवाही की गई है। बिजली के गुजरे तार, खंभे या ट्रांसफार्मर के आसपास ही होलिका को लगाया गया है।
ज्ञानपुर के नथईपुर तिराहे पर तार के नीचे होलिका लगाई गई है। इसी तरह चौरी, सुरियावां, अभोली, ऊंज, सीतामढ़ी आदि क्षेत्रों में कई स्थानों पर होलिका बिजली के तार के नीचे स्थापित की गई है।
तीन जोन और नौ सेक्टर में बंटा जिला :होलिका दहन और होली पर्व को सकुशल संपन्न कराने के लिए पुलिस और प्रशासन अलर्ट मोड में है। थानावार और जिला स्तर पर पीस कमेटी की बैठक हो चुकी है। जिले को तीन जोन और नौ सेक्टरों में बांटा गया है। एएसपी शुभम अग्रवाल ने बताया कि शहर से लेकर गांव तक कुल 1205 होलिका सुरक्षा समिति गठित की गई हैं। इसमें बीट प्रभारी, प्रधान, चौकीदार और एक ग्रामीण को शामिल किया गया है। कुल 25 संवेदनशील और अतिसंवेदनशील होलिकाएं चिह्नित की गई हैं।
अतरौलिया थाना क्षेत्र में युवती के हाथ में देशी कट्टा लहराने का फोटो वायरल







आजमगढ़ जनपद के अतरौलिया थाना क्षेत्र के महादेवपुर गांव का एक फोटो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल फोटो में एक युवती के हाथ में कथित तौर पर देशी कट्टा दिखाई दे रहा है, जिससे क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। जानकारी के अनुसार महादेवपुर गांव निवासी खुशबू निषाद पुत्री राजेश निषाद का नाम इस मामले में सामने आ रहा है। बताया जा रहा है कि फोटो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा किया गया, जिसके बाद यह तेजी से लोगों के बीच फैल गया। हालांकि वायरल फोटो की सत्यता की आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हो सकी है। मामले को लेकर स्थानीय पुलिस जांच में जुटी हुई है। यदि फोटो सही पाया जाता है तो अवैध असलहा रखने और प्रदर्शित करने के मामले में संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की जा सकती है। गांव के लोगों का कहना है कि इस तरह की तस्वीरें समाज में गलत संदेश देती हैं और युवाओं को कानून के प्रति जागरूक रहने की आवश्यकता है। फिलहाल पुलिस प्रशासन पूरे प्रकरण की गंभीरता से जांच कर रहा है।
गौरैया आओ मेरे देश अभियान पर छात्र छात्राओं एवं ग्रामीणों को कर रही है जागरूकता अभियान*
कटका क्लब सामाजिक संस्था के द्वारा जयसिंहपुर क्षेत्र स्थित निजी स्कूल में गौरैया आओ मेरे देश अभियान पर छात्र छात्राओं एवं ग्रामीणों को कर रही है जागरूकता अभियान। कार्यक्रम का नेतृत्व संस्था अध्यक्ष डॉ सौरभ मिश्र विनम्र ने किया। गोष्ठी के मुख्यवक्ता शिक्षक साहित्यकार सर्वेश कांत वर्मा ने बताया कि गौरैया को वापस आंगन में बुलाने के लिए हमें अपने घरों में कृत्रिम घोंसले लगाने छत या बालकनी में दाना-पानी रखने और मोबाइल टॉवरों के रेडिएशन को कम करने की जरूरत है। शहरीकरण और बदलते घरों के कारण यह नन्ही चिड़िया लुप्त हो रही है इसलिए इसके संरक्षण के लिए छोटे-छोटे प्रयास बहुत महत्वपूर्ण हैं। और संस्था इस विषय में कर रही है कार्य। संस्था अध्यक्ष डॉ सौरभ मिश्र विनम्र ने बताया कि बीस मार्च तक गांव और क्षेत्र के अमजमानस को गौरैया के प्रति जागरुक किया जाएगा उसके बाद पक्षी जलपत्र और घोंसले लगवाने पर संस्था कार्य करेंगी। संस्था कि तरफ से मांग है इस कदम में जनपद और प्रदेश में वन विभाग को बड़े स्तर पर कार्य करने कि जरूरत है। इस मौके पर पवन तिवारी, विनय सिंह, विजय लक्ष्मी, श्रेया, दीक्षा यादव, गुड्डू, अमिता सिंह, रमेश यादव दर्जनों लोग उपस्थित रहे।
ईरान के सुप्रीम लीडर की मौत पर भारत में प्रदर्शन, लखनऊ से लेकर श्रीनगर तक सड़क पर उतरे लोग

#protestsacrossindiaafterdeathofiransupremeleader_khamenei

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इजरायल और अमेरिका के हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की मौत के बाद भारत में भी प्रदर्शन शुरू हो गए है। भारत के कई राज्यों में विरोध प्रदर्शन तेज हो गए हैं। कश्मीर से लेकर लखनऊ में शिया समुदाय के लोग सड़कों पर उतर आए।

खामेनेई की हत्या के बाद लाल चौक पर विरोध प्रदर्शन

जम्मू कश्मीर के लाल चौक पर शिया समुदाय के लोगों ने खामेनेई की हत्या के बाद विरोध किया है। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने अमेरिका और इजरायल के खिलाफ नारे लगाए और ईरान के समर्थन में आवाज उठाई। एक प्रदर्शनकारी ने कहा कि हमारे प्रिय नेता अली खामेनेई शहीद हो गए हैं। यह शोक जुलूस शहर के बीचों-बीच शांतिपूर्वक निकाला जा रहा है। इस दौरान लोगों ने खामेनेई की तस्वीरें, काले झंडे और ईरान के समर्थन वाले बैनर उठाए हुए थे। श्रीनगर की सड़कों पर मातमी गीत (नौहा) भी पढ़े गए।

लखनऊ में शिया समुदाय तीन दिन मनाएंगे शोक

आयतुल्ला खामेनेईई की मौत पर लखनऊ में भी शिया समुदाय के लोग सड़कों पर उतर आए। शिया समुदाय के लोगों ने तीन दिवसीय शोक घोषित किया है। इसके तहत शिया समुदाय के लोग अपने प्रतिष्ठान बंद रखकर श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे। इस संबंध में मौलाना कल्बे जवाद ने तमाम उम्मते मुस्लिमा और इंसानियत परस्त लोगों से शोक में शामिल होने की अपील की है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार सुबह बैठक में सभी जिलों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। इसके तहत लखनऊ समेत प्रदेश के विभिन्न जिलों में पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों की निगरानी बढ़ा दी गई है।

भारत स्थित ईरानी दूतावास ने की चुप ना रहने की अपील

ईरान के सर्वोच्च नेता आयातुल्लाह अली खामेनेई की मौत के बाद भारत स्थित ईरानी दूतावास ने दुनिया भर की सरकारों से अमेरिकी-इजराइली हमले की कड़ी निंदा करने और चुप न रहने की अपील की है। जारी बयान में दूतावास ने खामेनेई की मौत पर गहरा दुख और शोक व्यक्त किया। ईरान के सरकारी मीडिया ने रविवार तड़के पुष्टि की कि अमेरिका और इजरायल द्वारा किए गए हमले में उनकी मृत्यु हुई। दूतावास ने कहा कि स्वतंत्र और न्यायप्रिय राष्ट्रों को इस खुले अपराध की स्पष्ट शब्दों में निंदा करनी चाहिए और आक्रामकता के सामने मौन नहीं रहना चाहिए। बयान में यह भी कहा गया कि अमेरिका और इजरायल को इस कार्रवाई के गंभीर परिणाम भुगतने होंगे।