इतने गंभीर विषय के लिए मुख्यमंत्री द्वारा समय नहीं देना दुर्भाग्यपूर्ण : बाबूलाल मरांडी*
नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम जैसे गंभीर विषय पर वार्तालाप के लिए पार्टी द्वारा हेमंत सोरेन से मिलने के लिए लगातार समय मांगे जाने के बावजूद मुख्यमंत्री द्वारा समय नहीं देने के मामले को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है। उन्होंने कहा कि हमारी पार्टी मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मिलकर नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर विशेष सत्र बुलाने और इस आशय का प्रस्ताव पारित कर केंद्र सरकार को भेजने के लिए उनसे आग्रह करना चाहती थी, बावजूद समय नहीं दिया गया। श्री मरांडी प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता में बोल रहे थे।
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श्री मरांडी ने कहा कि पार्टी के महामंत्री अमर कुमार बाउरी द्वारा 30 अप्रैल से ही मुख्यमंत्री से मिलने का समय लेने का प्रयास किया जा रहा है। प्रयास था कि तीन मई का कोई समय मिल जाए परंतु बड़ा दुर्भाग्य है कि लगातार समय मांगने के बाद भी समय नहीं मिल पाया और ना ही उधर से कोई स्पष्ट उत्तर दिया गया। जबकि पार्टी ने विषय वस्तु पूछने पर भी स्पष्ट रूप से विषय वस्तु के संबंध में स्पष्ट रूप से बता दिया था। लेकिन मुख्यमंत्री ने समय देना मुनासिब नहीं समझा। इसलिए तय किया गया कि सीएम के पास अगर समय नहीं है उनको एक पत्र लिखकर ही उन्हें सारी बातों से अवगत करा दिया जाए। इसलिए इस विषय पर उन्हें पत्र लिखा गया है।
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श्री मरांडी ने कहा कि 16, 17, 18 अप्रैल को भारत सरकार द्वारा नारी शक्ति वंदन अधिनियम को सदन में लाया गया था। इससे देश की आधी आबादी काफी प्रसन्न हुई कि लोकसभा और विधानसभा में 33% सीटें उनके लिए आरक्षित होगी। केवल 33% सीट ही रिजर्व नहीं होती बल्कि लोकसभा विधानसभा की सीटें भी उसी अनुपात में बढ़ती। झारखंड के संदर्भ में देखा जाए तो यहां 14 लोकसभा की सीटें बढ़कर 21 हो जाती। जिसमें 7 महिलाओं के लिए रिजर्व होती। इसी प्रकार विधानसभा की सीटें 81 से बढ़कर 121 हो जाती। जिसमें 41 सीटें महिलाओं के लिए रिजर्व होती। झारखंड की लगभग सभी सरकारों द्वारा भारत सरकार को संकल्प भेजा गया था कि झारखंड में विधानसभा की सीटें बढ़नी चाहिए। आज सीटें बढ़ती तो और लोगों को भी अवसर मिलता।
श्री मरांडी ने कहा कि उम्मीद थी कि हेमंत सोरेन इन चीजों को समझेंगे और इस बिल का वह समर्थन करेंगे लेकिन उन्होंने इसके विरोध में मतदान किया। इसलिए पार्टी ने तय किया था कि मुख्यमंत्री से मिलकर उनसे पार्टी आग्रह करेगी कि इस मुद्दे पर राज्यपाल की सहमति से एक विशेष सत्र बुलाएं और इस आशय का प्रस्ताव पारित कर केंद्र सरकार को भेजें ताकि फिर से भारत सरकार इस बिल को ला सके। इससे महिलाओं को ही नहीं बल्कि और लोगों को भी उचित प्रतिनिधित्व मिलेगा। प्रेस वार्ता के दौरान नेता प्रतिपक्ष ने मुख्यमंत्री को पार्टी द्वारा लिखे पत्र को भी साझा किया।
इस दौरान प्रेस वार्ता में प्रदेश मीडिया सह प्रभारी योगेंद्र प्रताप सिंह एवं प्रदेश प्रवक्ता राफिया नाज भी मौजूद रहे।





*कार्यवाहीः-* गोण्डा। पुलिस अधीक्षक गोण्डा विनीत जायसवाल द्वारा अपराध एवं अपराधियों के विरूद्ध चलाये जा रहे अभियान के क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी अजीत कुमार रजक के पर्यवेक्षण व क्षेत्राधिकारी मनकापुर उदित नारायण पालीवाल के नेतृत्व में थाना छपिया पुलिस टीम द्वारा 03 शातिर चोरों-01. नरेन्द्र बहादुर सिंह उर्फ छोटू, 02. मंगरू चौहान, 03. धनन्जय को नगरा खुर्द तिराहे के पास से चेकिंग के दौरान गिरफ्तार कर उनके कब्जे व निशानदेही से चोरी की 05 अदद मोटरसाईकिलों को बरामद किया गया।
जिलेभर में चर्चा का विषय बना मामला, नाना ने बेटी पर आरोपों को बताया बेबुनियाद
Hazaribagh Police ने 24 अप्रैल 2026 को बरही थाना क्षेत्र स्थित Bank of Maharashtra शाखा में हुई लूट कांड का सफल उद्भेदन कर लिया है। इस मामले में 3 मुख्य अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि अन्य की तलाश जारी है।

जनगणना में “मगही” दर्ज कराने को लेकर लोगों से अपील
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में सुधाकर राजेंद्र ने कहा कि भाषा हमारी संस्कृति की आत्मा होती है, इसलिए मगही को उसका उचित सम्मान मिलना जरूरी है। वहीं विश्वजीत कुमार अलबेला ने अपनी रचनाओं के माध्यम से लोगों को मगही भाषा के प्रति जागरूक किया। इस अवसर पर सन्नी कुमार कश्यप ने मगध के इतिहास और मगही भाषा के महत्व पर प्रकाश डाला। साथ ही संजय कुमार, अजय विश्वकर्मा और मगही के गोल्ड मेडलिस्ट कमलेश कुमार सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। सभी वक्ताओं ने लोगों से अपील की कि वे जनगणना के दौरान अपनी मातृभाषा के रूप में मगही को ही दर्ज कराएं, ताकि इस भाषा को उसका उचित अधिकार मिल सके।
कार्यक्रम का सफल आयोजन गौतम पाराशर के संयोजन में किया गया। आयोजन को लेकर स्थानीय लोगों में काफी उत्साह देखा गया। चौपाल के अंत में यह संकल्प लिया गया कि मगही भाषा को उसका संवैधानिक अधिकार दिलाने के लिए यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।
37 min ago
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