प्रयागराज के मांडा मे 4 बच्चों की डूबने से हुयी मृत्यु ने पूरे गांव को रुला दिया
विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज के यमुनापार मे मांडा थाना क्षेत्र अंतर्गत शुक्रवार की दोपहर ग्राम बामपुर निवासी गंगा स्नान करने गए 4 नाबालिग बच्चों की डूबने से गयी जान।
कुणाल पुत्र अनिल कुमार (उम्र लगभग 12 वर्ष),निहाल पुत्र अनिल कुमार (उम्र लगभग 10 वर्ष),ऋषभ पुत्र कमलेश (उम्र लगभग 10 वर्ष),दीपक कुमार पुत्र राजाराम (उम्र लगभग 17 वर्ष) की गंगा घाट पर हुए हृदयविदारक हादसे मे डूबने से असमय निधन अत्यंत दुखद एवं पीड़ादायक है।

चार बच्चों को देख पूरे गांव की आंखें नम हो गई।

अत्यंत ही दुखद घटना
असम के चुनावी दंगल में उतरे हेमंत सोरेन; गोसाईंगांव में जेएमएम प्रत्याशी के लिए मांगा समर्थन, भाजपा पर साधा निशाना।

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने असम विधानसभा चुनाव के प्रचार अभियान का शंखनाद कर दिया है। कोकराझार जिले के गोसाईंगांव में जेएमएम प्रत्याशी फ्रेडरिक्सन हांसदा के पक्ष में आयोजित एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने भाजपा सरकार पर जमकर प्रहार किया और आदिवासी व वंचित समाज को एकजुट होने का आह्वान किया।

भाजपा पर तीखा हमला

अपने संबोधन में हेमंत सोरेन ने बेहद कड़े शब्दों का इस्तेमाल करते हुए कहा कि भाजपा वाले केवल 'लेने वाले' लोग हैं, 'देने वाले' नहीं। उन्होंने जनता को आगाह करते हुए कहा, "ये लोग चुनाव के समय आपके खातों में 500 या 1000 रुपये डालेंगे और चुनाव जीतने के बाद सिरिंज लगाकर आपका खून निकाल लेंगे।" उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी दल चुनाव के समय मीठी बातें कर जाल बिछाते हैं और सत्ता मिलते ही अपने वादे भूल जाते हैं।

चाय बागान मजदूरों का दर्द

सोरेन ने असम के चाय बागान मजदूरों की स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि देश की अर्थव्यवस्था में बड़ा योगदान देने वाले इन मजदूरों को वर्षों से सिर्फ आश्वासन मिला है, हक नहीं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जेएमएम उनके संघर्ष में उनके साथ खड़ी है।

शिक्षा और सशक्तिकरण का 'झारखंड मॉडल'

शिक्षा को सबसे बड़ी ताकत बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड में सरकारी स्कूलों की स्थिति में क्रांतिकारी बदलाव आए हैं, जहाँ अब निजी स्कूलों से बच्चे वापस आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि वह असम में भी ऐसी ही व्यवस्था चाहते हैं जहाँ आदिवासी युवाओं की उच्च शिक्षा का पूरा खर्च सरकार उठाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि आने वाली पीढ़ी को डॉक्टर, इंजीनियर और वकील बनाना ही वास्तविक सशक्तिकरण है।

संवैधानिक संस्थाओं के दुरुपयोग का आरोप

हेमंत सोरेन ने केंद्र पर संवैधानिक संस्थाओं के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए कहा कि पैसे के बल पर लोकतंत्र को प्रभावित करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे अपने अधिकारों के लिए झुकें नहीं, बल्कि डटकर मुकाबला करें।

अतरौलिया में तीन पुलिस सहायता केंद्रों का उद्घाटन, सुरक्षा व्यवस्था को मिलेगा नया बल। दूरदराज क्षेत्रों में बढ़ेगी पुलिस की पहुंच, साइबर अपराध औ
जनपद के सीमावर्ती अतरौलिया थाना क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से शनिवार को तीन नए पुलिस सहायता केंद्रों (पुलिस बूथ) का उद्घाटन किया गया। पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार एवं पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) चिराग जैन के नेतृत्व में अतरैठ, लोहरा और बढ़या में इन केंद्रों का फीता काटकर शुभारंभ किया गया। उद्घाटन के दौरान पुलिस अधीक्षक ने बताया कि इन सहायता केंद्रों के शुरू होने से क्षेत्र में पुलिस की सक्रियता बढ़ेगी और ग्रामीणों को अपनी शिकायतों के लिए थाने तक लंबी दूरी तय नहीं करनी पड़ेगी। उन्होंने कहा कि इन केंद्रों पर तैनात पुलिसकर्मी आम जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करेंगे। प्रशासन की ओर से अतरैठ में उपनिरीक्षक पवन शुक्ला, लोहरा में देवी शरण पांडे तथा बढ़या में उपनिरीक्षक पवन कुमार सिंह को मौजूदा जिम्मेदारी सौंपी गई है। बढ़या में आयोजित कार्यक्रम के दौरान सामाजिक सरोकारों को भी प्रमुखता दी गई। इस मौके पर पांच सेवानिवृत्त पुलिसकर्मियों—रामचेत (सेवानिवृत्त डिप्टी एसपी), रामसूरत यादव, फिरतु राम, रामजीत, रामनवल और फतेह बहादुर सिंह—को अंगवस्त्र देकर सम्मानित किया गया। साथ ही एसडी ग्लोबल स्कूल मदियापार के मेधावी छात्रों विद्यार्थियों को भी उनकी उपलब्धियों के लिए पुलिस अधीक्षक के द्वारा सम्मानित किया गया। थाना क्षेत्र के लगभग 51 चौकीदारों को बेहतर गश्त और सतर्कता के लिए सीटी और टॉर्च वितरित कर उनका उत्साहवर्धन किया गया। पुलिस अधीक्षक डॉ अनिल कुमार ने स्पष्ट किया कि फिलहाल ये सहायता केंद्र अस्थायी रूप से संचालित होंगे। यदि ग्राम प्रधान और एसडीएम के माध्यम से उपयुक्त भूमि उपलब्ध होती है, तो भविष्य में इन्हें स्थायी पुलिस चौकियों के रूप में विकसित किया जाएगा, जहां पुलिसकर्मियों के लिए बैरक और अन्य सुविधाएं भी उपलब्ध होंगी। उन्होंने साइबर अपराध और गोकशी जैसे गंभीर मामलों पर कड़ी कार्रवाई की प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि पेशेवर अपराधियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। वहीं महिलाओं की सुरक्षा के लिए ‘मिशन शक्ति’ के तहत प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं, ताकि वे खुद को सुरक्षित महसूस कर सकें। इस अवसर पर क्षेत्राधिकारी कौस्तुभ त्रिपाठी, समाजसेवी अखंड सिंह, मोहब्बत वसीम सत्येंद्र सिंह सोनू, राधेश्याम यादव, गणेश दत्त दुबे समेत थानाध्यक्ष देवेंद्र नाथ दुबे, सहित कई पुलिस अधिकारी, कर्मचारी एवं स्थानीय गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
मसीही समाज को मिला प्रशासन का साथ, CDBE चुनाव शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न

रायपुर- छत्तीसगढ़ डायोसिस बोर्ड ऑफ एजुकेशन (CDBE) के चुनाव आज रायपुर कलेक्टर कार्यालय में सफलतापूर्वक एवं शांतिपूर्ण तरीके से सम्पन्न हुए।

इस महत्वपूर्ण प्रक्रिया में जिला प्रशासन की सक्रिय भूमिका और पारदर्शिता को सराहते हुए मसीही समाज ने राज्य सरकार का आभार व्यक्त किया।

चुनाव प्रक्रिया जिला कलेक्टर, एडीएम, जिला शिक्षा अधिकारी एवं अन्य प्रशासनिक अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति में सम्पन्न हुई। इस दौरान बोर्ड के अध्यक्ष के रूप में द राइट रेव. सुभमा कुमार पदेन ने अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन किया।

नवनिर्वाचित कार्यकारिणी में

नितिन लॉरेन्स – उपाध्यक्ष

जॉयदीप रोबिन्सन – सचिव

प्रवीण मसीह – कोषाध्यक्ष

सहित अन्य सदस्यों को महत्वपूर्ण जिम्मेदारियाँ सौंपी गई हैं।

इस अवसर पर बोर्ड के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा एवं जिला प्रशासन का विशेष धन्यवाद करते हुए कहा कि सरकार ने मसीही समाज की समस्याओं को समझते हुए निष्पक्ष और सहयोगात्मक भूमिका निभाई है।

बोर्ड पदाधिकारियों ने कहा कि यह सहयोग राज्य में अल्पसंख्यक समुदाय के प्रति सरकार की संवेदनशीलता को दर्शाता है। साथ ही उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि लंबे समय से शैक्षणिक संस्थाओं के संचालन में आ रही समस्याओं के समाधान की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम है।

समाज के प्रतिनिधियों ने यह भी बताया कि कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा लगातार संस्थाओं की व्यवस्था को बाधित करने के प्रयास किए जा रहे थे, जिनके खिलाफ शिकायत दर्ज कराई गई है और प्रशासन से कड़ी कार्रवाई की अपेक्षा की गई है।

प्रशासन द्वारा आश्वासन दिया गया है कि जल्द ही सभी संस्थानों में सामान्य स्थिति बहाल की जाएगी तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता या अवैध कब्जे के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

अंत में, छत्तीसगढ़ डायोसिस के पदाधिकारियों ने सभी समाज के लोगों से अपील की कि वे एकजुट होकर शांति, शिक्षा और विकास के कार्यों में सहयोग करें।

निर्भया से भी ज्यादा जघन्य अपराध झारखंड की बेटी के साथ....आदित्य साहू

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवम सांसद आदित्य साहू ने आज प्रदेश कार्यालय में प्रेसवार्ता कर राज्य सरकार पर बड़ा निशाना साधा। श्री साहू कल हजारीबाग जिला अंतर्गत विष्णुगढ़ प्रखंड के कुसुंबा गांव से लौटने के बाद आज प्रदेश कार्यालय में प्रेसवार्ता को संबोधित कर रहे थे। श्री साहू के साथ कुसुंबा जाने वालों में सांसद मनीष जायसवाल, पूर्व नेता प्रतिपक्ष अमर कुमार बाउरी ,विधायक नागेंद्र महतो,अमित यादव,रोशन लाल चौधरी,जिला अध्यक्ष विवेकानंद सिंह शामिल थे।

श्री साहू ने कहा कि घटना की जानकारी मिलते ही वे पार्टी के जनप्रतिनिधियों के साथ कुसुंबा गांव गए और जो जानकारी मिली वह पूरी तरह रोंगटे खड़ा करने वाली,हृदय बिदारक है।

कहा कि जब पूरे देश में रामनवमी की तैयारियां चल रही हो, चैत्र नवरात्र में देवी की आराधना चल रही हो इसी बीच मंगलवारी जुलूस देखने गई एक गरीब मजदूर की 12 वर्षीय बेटी को अपराधी ,दरिंदे पकड़ते हैं,अपहरण कर उसका दुष्कर्म करते हैं और फिर हत्या भी कर देते हैं।

कहा कि ग्रामीण जनता ने बताया कि एक बेटी के साथ कैसा जघन्य कु कृत्य हुआ है। अपराधियों ने दुष्कर्म और हत्या के बात दरिंदगी की पराकाष्ठा की है। बेटी की आँखें निकाली गई, दांत तोड़े गए, जीभ काट दिए गए।

कहा कि ऐसे हालात में पुलिस प्रशासन की संवेदनहीनता ने राज्य की विधि व्यवस्था को उजागर किया है। चार दिनों तक गरीब के घर जिला प्रशासन नहीं पहुंचा। और हद तो तब हो गई जब मृत बेटी के मजदूर पिता को जल्द गांव आने में प्रशासन ने कोई मदद नहीं की।भाजपा के सांसद विधायकों ने फ्लाइट टिकट की व्यवस्था की।

कहा कि बात बात पर ट्वीट करने वाले मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को झारखंड की बेटी, गरीब की पीड़ा ने आहत नहीं किया।मुख्यमंत्री ने ट्वीट पर भी संवेदना प्रकट नहीं की।

कहा कि आखिर राज्य कहां जा रहा है।राज्य की जनता कैसे सुरक्षित रहे।कैसे बहन बेटियां सुरक्षित रहें ये मुख्यमंत्री जी बताएं। वे असम में जाकर वोट मांगेंगे।उन्हें असम की जनता के बीच अपनी नाकामियों,विफलताओं को बताना चाहिए।

कहा कि राज्य की पुलिस केवल वसूली में लगी है,कोयला ,पत्थर चोरों को संरक्षण देकर अपराधियों का संरक्षण कर रही है। अपनी तिजोरी भरने में जुटी है।

कहा कि भाजपा झारखंड की जन्मदात्री है।हम राज्य को बर्बाद होते नहीं देख सकते।

उन्होंने राज्य सरकार को चेतावनी दी और कहा कि 24 घंटे में अपराधी नहीं पकड़े गए तो 29 मार्च को हजारीबाग के सभी प्रखंडों में भाजपा कार्यकर्ता मशाल जुलूस निकालकर विरोध दर्ज करेंगे।30 को पूरा हजारीबाग को ठप करेंगे,बंद करेंगे। साथ ही पूरे प्रदेश में जिला मुख्यालयों पर पार्टी की महिला मोर्चा की बहने धरना प्रदर्शन करेंगी।

श्री साहू ने राज्य सरकार से मृतका के अपराधियों को फांसी की सजा दिलाने हेतु कार्रवाई की मांग की।साथ ही मजदूर पिता को सरकारी नौकरी ,परिवार को सुरक्षा और 50 लाख की सहायता राशि उपलब्ध कराने की मांग की।

श्री साहू ने कहा कि सत्ताधारी झामुमो कांग्रेस,राजद को अनर्गल बयानबाजी नहीं करनी चाहिए। अच्छा होगा ये नेता कुसुंबा जाकर स्थिति को देखें।

बिजली कर्मियों में उबाल: संविदा कर्मियों की छंटनी और अभियंताओं के निलंबन पर प्रदेशव्यापी आंदोलन की चेतावनी
लखनऊ। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति ने पावर कॉरपोरेशन प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर कड़ा विरोध जताते हुए चेतावनी दी है कि यदि हटाए गए संविदा कर्मियों की बहाली और अभियंताओं के निलंबन की कार्रवाई वापस नहीं ली गई, तो अप्रैल माह में प्रदेशव्यापी आंदोलन शुरू किया जाएगा।
संघर्ष समिति के अनुसार, प्रबंधन द्वारा निजीकरण की दिशा में मनमाने तरीके से राजधानी लखनऊ समेत एक दर्जन से अधिक शहरों में तथाकथित “वर्टिकल व्यवस्था” लागू की गई है। अब उसी व्यवस्था की समीक्षा के लिए प्रबंधन ने अपने ही अधिकारियों—निदेशकों और प्रबंध निदेशकों—को जिम्मेदारी सौंप दी है, जिससे निष्पक्षता और पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
समिति का कहना है कि वर्टिकल व्यवस्था लागू होने के बाद प्रदेश की बिजली व्यवस्था प्रभावित हुई है और आने वाली गर्मियों में उपभोक्ताओं को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। “सिंगल विंडो सिस्टम” को समाप्त कर कार्यों को चार भागों में बांट दिया गया है, जिससे समन्वय और जवाबदेही कमजोर हो गई है।
संघर्ष समिति ने यह भी आरोप लगाया कि स्मार्ट प्रीपेड मीटर व्यवस्था ने उपभोक्ताओं की समस्याएं बढ़ा दी हैं। कई मामलों में भुगतान के बावजूद बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो रही है, और उपभोक्ताओं को अलग-अलग विभागों के चक्कर काटने पड़ रहे हैं।
समिति ने प्रबंधन पर आरोप लगाया कि अपनी विफलताओं का ठीकरा कर्मचारियों और अभियंताओं पर फोड़ा जा रहा है। वर्टिकल व्यवस्था के नाम पर बड़े पैमाने पर संविदा कर्मियों की छंटनी, नियमित पदों में कटौती और टीजी-2 कर्मचारियों को हटाया गया है। साथ ही, अभियंताओं के निलंबन की तैयारी से कर्मचारियों में भारी रोष व्याप्त है।
अलीगढ़ में एक मुख्य अभियंता के निलंबन का उदाहरण देते हुए समिति ने इसे मनोबल तोड़ने वाली कार्रवाई बताया। साथ ही कहा कि कम वेतन पर काम करने वाले संविदा कर्मियों की आजीविका पर भी संकट खड़ा हो गया है।
संघर्ष समिति ने आरोप लगाया कि प्रबंधन जानबूझकर गर्मियों से पहले ऊर्जा निगमों में अस्थिरता पैदा कर रहा है, ताकि भविष्य में निजीकरण को उचित ठहराया जा सके। जिन शहरों में यह व्यवस्था लागू की गई है, वहां आगे अर्बन डिस्ट्रीब्यूशन फ्रेंचाइजी लागू करने की तैयारी भी चल रही है।
इसी क्रम में कानपुर इलेक्ट्रिसिटी सप्लाई कंपनी (KESCO) में बिजली कर्मियों ने उत्पीड़न के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया और प्रबंधन को चेतावनी दी। वहीं, पूर्वांचल एवं दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगमों के निजीकरण के विरोध में कर्मचारियों का आंदोलन 486वें दिन भी जारी रहा। संघर्ष समिति के संयोजक शैलेन्द्र दुबे ने कहा कि कर्मचारियों के हितों की अनदेखी किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जरूरत पड़ने पर आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
योग केवल व्यायाम नहीं,वरन एक संपूर्ण जीवन पद्धति है-विक्रम सिंह

बी एड़ विभाग में योग प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित



सुल्तानपुर। राणा प्रताप पी.जी. कॉलेज के बी.एड. विभाग द्वारा पाठ्येतर प्रायोगिक गतिविधियों के अंतर्गत एक दिवसीय योग प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को योग के महत्व से अवगत कराना तथा उन्हें शारीरिक एवं मानसिक रूप से स्वस्थ बनाना था। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में लखनऊ से आए योग प्रशिक्षक विक्रम सिंह ने अपने प्रेरणादायक उद्बोधन में कहा कि योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि यह एक संपूर्ण जीवन पद्धति है जो व्यक्ति के तन, मन और आत्मा को संतुलित करती है। उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित योगाभ्यास करने की सलाह दी। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्रो. डी. के. त्रिपाठी ने अपने संबोधन में कहा कि आज की भागदौड़ भरी जीवनशैली में योग का महत्व और भी बढ़ गया है। उन्होंने विद्यार्थियों को योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित किया।

योग प्रशिक्षक विक्रम सिंह द्वारा विभिन्न महत्वपूर्ण योगासन जैसे ताड़ासन, भुजंगासन, प्राणायाम एवं सूर्य नमस्कार का अभ्यास कराया गया। इन योगाभ्यासों के माध्यम से विद्यार्थियों को शारीरिक लचीलापन, मानसिक शांति एवं एकाग्रता के लाभों से अवगत कराया गया।
इस अवसर पर शाश्वत सिंह द्वारा योग का उत्कृष्ट प्रदर्शन भी किया गया, जिसे सभी ने सराहा। कार्यक्रम में विभागाध्यक्ष डॉ. भारती सिंह ने आभार व्यक्त किया तथा सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम का सफल संचालन डॉ. संतोष अंश द्वारा किया गया।

इस अवसर पर असिस्टेंट प्रोफेसर शांतिलता कुमारी, डॉ. सीमा सिंह, विजय सिंह सहित बी.एड. प्रथम वर्ष के सभी विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और योगाभ्यास किया। कार्यक्रम का समापन स्वस्थ जीवन के संकल्प के साथ हुआ।
सीतापुर में एनएसएस शिविर में स्वास्थ्य जागरूकता अभियान का शुभारंभ

कमलेश मेहरोत्रा लहरपुर (सीतापुर)। क्षेत्र के प्रभात राजेंद्र कुमार पूनम देवी महाविद्यालय के तत्वावधान में ग्राम भवानीपुर में चल रहे राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) इकाई के सात दिवसीय विशेष शिविर में ग्रामीणों को स्वास्थ्य जागरूकता  अभियान की जानकारी दी गई। शनिवार को शिविर का शुभारंभ ध्यान, प्राणायाम एवं योगाभ्यास के साथ किया गया और लोगों को स्वास्थ्य को लेकर जागरूक  किया गया।
कार्यक्रम में सेवक सेविकाओं ने प्रेरणादायक गीतों के माध्यम से स्वास्थ्य,स्वच्छता एवं संतुलित जीवनशैली का संदेश दिया और स्वास्थ्य के महत्व  तथा जंक फूड का सेवन न करने के  लिए जागरूक किया। इस मौके पर महाविद्यालय के संस्थापक राजेंद्र श्रीवास्तव ने स्वास्थ्य और स्वच्छता के महत्व पर विचार व्यक्त करते हुए कहा कि स्वस्थ समाज के निर्माण में स्वच्छ वातावरण की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।कार्यक्रम अधिकारी प्रकाश चंद्र व गौतम कुमार के नेतृत्व में एक स्वास्थ्य जागरूकता  रैली निकाली गई।इस दौरान स्वयंसेवकों एवं सेविकाओं ने ग्रामीणों को स्वच्छता और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक किया।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से प्राचार्य  मनोज श्रीवास्तव ,कार्यक्रम अधिकारी  प्रकाश चन्द्र, गौतम कुमार,
संयोजक  अमरेन्द्र सिंह चौहान,अमित वर्मा नमित मिश्रा अस्तुति अवस्थी सहित ग्रामीण व सेवक सेविकाएं उपस्थित थीं।
पुलिस द्वारा रन फार एंपावरमेंट का किया गया आयोजन
*महिला थानाध्यक्ष के साथ अधिकारियों पुलिसकर्मियों ने लगाई दौड़

गोंडा।जिले में मिशन शक्ति अभियान 5 के दूसरे चरण के तहत शनिवार को रन फार एंपावरमेंट का आयोजन किया गया।जहाँ इस दौड़ में गोंडा पुलिस की महिला अधिकारियों और पुलिसकर्मियों ने भाग लिया। पुलिस अधीक्षक ने रिजर्व पुलिस लाइन में हरी झंडी दिखाकर दौड़ का शुभारंभ किया।यह दौड़ पुलिस लाइन से शुरु होकर कचहरी, अंबेडकर चौराहा और एनसीसी कार्यालय होते हुए यातायात कार्यालय पर समाप्त हुई।इसका मुख्य उद्देश्य समाज में महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन के प्रति जागरूकता फैलाना तथा आमजन को मिशन शक्ति से जोड़ना था।दौड़ प्रतियोगिता का नेतृत्व महिला थानाध्यक्ष अनीता यादव ने किया।जिले की पुलिस महिलाओं को जागरूक करने के लिए विभिन्न कार्यक्रम आयोजित कर रही है।इसी अभियान के तहत सभी थानों पर मिशन शक्ति केंद्र स्थापित किए गए हैं,जहाँ महिलाओं की सुरक्षा,सहायता और परामर्श की सुविधाएं प्रदान की जा रही हैं।एंटी रोमियो टीमों को सक्रिय कर सार्वजनिक स्थलों, विद्यालयों,कोचिंग संस्थानों और बाजारों में लगातार निगरानी रखी जा रही है।चिन्हित असामाजिक तत्वों के विरुद्ध कानूनी कार्यवाही की जा रही है।इसके अतिरिक्त महिला पुलिसकर्मी स्कूलों, कालेजों,बाजारों और सार्वजनिक स्थलों पर पंपलेट वितरित कर महिलाओं और बालिकाओं को विभिन्न हेल्पलाइन सेवाओं के बारे में जानकारी दे रही हैं।पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने बताया कि रन फार एंपावरमेंट कार्यक्रम मिशन शक्ति 5 के दूसरे चरण का था।उन्होंने जोर दिया कि महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन समाज की प्राथमिक जिम्मेदारी है और गोंडा पुलिस इस दिशा में सदैव प्रयासरत है।पुलिस अधीक्षक ने जन भागीदारी पर बल देते हुए कहा कि समाज के सभी वर्गों को महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण में सहयोग देना चाहिए।इस अवसर पर अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी मनोज कुमार रावत,सहायक पुलिस अधीक्षक अभिषेक दवाच्या और प्रतिसार निरीक्षक अजय प्रताप सिंह भी उपस्थित रहे।
मरीजों को निजी अस्पताल में पहुंचाने वाले बिचाैलियों पर नजर रखेगी टीम
नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिले के सरकारी अस्पतालों से मरीजों को निजी अस्पतालों में डायवर्ट करने वाले बिचौलियों पर अब दो सदस्यीय टीम नजर रखेगी। सीएमओ डॉ.एसके चक ने कुल छह टीमों का गठन किया है। यह टीमें अलग-अलग अस्पतालों का दौरा करेंगी और बिचौलियों पर नजर रखेगी। एक टीम में डिप्टी सीएमओ, सीएचसी से एक स्वास्थ्यकर्मी होंगे। ये टीमें गोपनीय तरीके से जांच करेंगी। हर महीने सीएमओ स्तर से इसकी समीक्षा होगी।
महाराजा चेतसिंह जिला चिकित्सालय ज्ञानपुर, महाराजा बलवंत सिंह राजकीय चिकित्सालय भदोही, सरपतहां स्थित सौ शय्या अस्पताल, छह सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सुरियावां, गोपीगंज, भदोही, भानीपुर, डीघ औराई सहित 20 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, 206 उप स्वास्थ्य केंद्रों पर रोजाना 6000 से 6500 लोगों की ओपीडी होती है।
मरीज पहली बार दिखाने आते हैं, लेकिन दोबारा वह निजी अस्पताल में चलते जाते हैं। जिले के बड़े अस्पतालों में बिचौलिए सक्रिय हैं, जो मरीजों को निजी अस्पताल, लैैब का रूख कराते हैं। स्वास्थ्य केंद्रों पर ज्यादातर मरीज मौसमी बीमारी के आते हैं।
सीएमओ डॉ. एसके चक ने बताया कि अस्पताल में बिचौलिए किसी मरीज को गुमराह करते हैं। तो मरीज, तीमारदार सीधी शिकायत अस्पताल प्रशासन से कर सकता है। इनकी निगरानी के लिए दो सदस्यीय टीम बनाई गई है।
प्रयागराज के मांडा मे 4 बच्चों की डूबने से हुयी मृत्यु ने पूरे गांव को रुला दिया
विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज के यमुनापार मे मांडा थाना क्षेत्र अंतर्गत शुक्रवार की दोपहर ग्राम बामपुर निवासी गंगा स्नान करने गए 4 नाबालिग बच्चों की डूबने से गयी जान।
कुणाल पुत्र अनिल कुमार (उम्र लगभग 12 वर्ष),निहाल पुत्र अनिल कुमार (उम्र लगभग 10 वर्ष),ऋषभ पुत्र कमलेश (उम्र लगभग 10 वर्ष),दीपक कुमार पुत्र राजाराम (उम्र लगभग 17 वर्ष) की गंगा घाट पर हुए हृदयविदारक हादसे मे डूबने से असमय निधन अत्यंत दुखद एवं पीड़ादायक है।

चार बच्चों को देख पूरे गांव की आंखें नम हो गई।

अत्यंत ही दुखद घटना
असम के चुनावी दंगल में उतरे हेमंत सोरेन; गोसाईंगांव में जेएमएम प्रत्याशी के लिए मांगा समर्थन, भाजपा पर साधा निशाना।

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने असम विधानसभा चुनाव के प्रचार अभियान का शंखनाद कर दिया है। कोकराझार जिले के गोसाईंगांव में जेएमएम प्रत्याशी फ्रेडरिक्सन हांसदा के पक्ष में आयोजित एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने भाजपा सरकार पर जमकर प्रहार किया और आदिवासी व वंचित समाज को एकजुट होने का आह्वान किया।

भाजपा पर तीखा हमला

अपने संबोधन में हेमंत सोरेन ने बेहद कड़े शब्दों का इस्तेमाल करते हुए कहा कि भाजपा वाले केवल 'लेने वाले' लोग हैं, 'देने वाले' नहीं। उन्होंने जनता को आगाह करते हुए कहा, "ये लोग चुनाव के समय आपके खातों में 500 या 1000 रुपये डालेंगे और चुनाव जीतने के बाद सिरिंज लगाकर आपका खून निकाल लेंगे।" उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी दल चुनाव के समय मीठी बातें कर जाल बिछाते हैं और सत्ता मिलते ही अपने वादे भूल जाते हैं।

चाय बागान मजदूरों का दर्द

सोरेन ने असम के चाय बागान मजदूरों की स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि देश की अर्थव्यवस्था में बड़ा योगदान देने वाले इन मजदूरों को वर्षों से सिर्फ आश्वासन मिला है, हक नहीं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जेएमएम उनके संघर्ष में उनके साथ खड़ी है।

शिक्षा और सशक्तिकरण का 'झारखंड मॉडल'

शिक्षा को सबसे बड़ी ताकत बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड में सरकारी स्कूलों की स्थिति में क्रांतिकारी बदलाव आए हैं, जहाँ अब निजी स्कूलों से बच्चे वापस आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि वह असम में भी ऐसी ही व्यवस्था चाहते हैं जहाँ आदिवासी युवाओं की उच्च शिक्षा का पूरा खर्च सरकार उठाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि आने वाली पीढ़ी को डॉक्टर, इंजीनियर और वकील बनाना ही वास्तविक सशक्तिकरण है।

संवैधानिक संस्थाओं के दुरुपयोग का आरोप

हेमंत सोरेन ने केंद्र पर संवैधानिक संस्थाओं के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए कहा कि पैसे के बल पर लोकतंत्र को प्रभावित करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे अपने अधिकारों के लिए झुकें नहीं, बल्कि डटकर मुकाबला करें।

अतरौलिया में तीन पुलिस सहायता केंद्रों का उद्घाटन, सुरक्षा व्यवस्था को मिलेगा नया बल। दूरदराज क्षेत्रों में बढ़ेगी पुलिस की पहुंच, साइबर अपराध औ
जनपद के सीमावर्ती अतरौलिया थाना क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से शनिवार को तीन नए पुलिस सहायता केंद्रों (पुलिस बूथ) का उद्घाटन किया गया। पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार एवं पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) चिराग जैन के नेतृत्व में अतरैठ, लोहरा और बढ़या में इन केंद्रों का फीता काटकर शुभारंभ किया गया। उद्घाटन के दौरान पुलिस अधीक्षक ने बताया कि इन सहायता केंद्रों के शुरू होने से क्षेत्र में पुलिस की सक्रियता बढ़ेगी और ग्रामीणों को अपनी शिकायतों के लिए थाने तक लंबी दूरी तय नहीं करनी पड़ेगी। उन्होंने कहा कि इन केंद्रों पर तैनात पुलिसकर्मी आम जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करेंगे। प्रशासन की ओर से अतरैठ में उपनिरीक्षक पवन शुक्ला, लोहरा में देवी शरण पांडे तथा बढ़या में उपनिरीक्षक पवन कुमार सिंह को मौजूदा जिम्मेदारी सौंपी गई है। बढ़या में आयोजित कार्यक्रम के दौरान सामाजिक सरोकारों को भी प्रमुखता दी गई। इस मौके पर पांच सेवानिवृत्त पुलिसकर्मियों—रामचेत (सेवानिवृत्त डिप्टी एसपी), रामसूरत यादव, फिरतु राम, रामजीत, रामनवल और फतेह बहादुर सिंह—को अंगवस्त्र देकर सम्मानित किया गया। साथ ही एसडी ग्लोबल स्कूल मदियापार के मेधावी छात्रों विद्यार्थियों को भी उनकी उपलब्धियों के लिए पुलिस अधीक्षक के द्वारा सम्मानित किया गया। थाना क्षेत्र के लगभग 51 चौकीदारों को बेहतर गश्त और सतर्कता के लिए सीटी और टॉर्च वितरित कर उनका उत्साहवर्धन किया गया। पुलिस अधीक्षक डॉ अनिल कुमार ने स्पष्ट किया कि फिलहाल ये सहायता केंद्र अस्थायी रूप से संचालित होंगे। यदि ग्राम प्रधान और एसडीएम के माध्यम से उपयुक्त भूमि उपलब्ध होती है, तो भविष्य में इन्हें स्थायी पुलिस चौकियों के रूप में विकसित किया जाएगा, जहां पुलिसकर्मियों के लिए बैरक और अन्य सुविधाएं भी उपलब्ध होंगी। उन्होंने साइबर अपराध और गोकशी जैसे गंभीर मामलों पर कड़ी कार्रवाई की प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि पेशेवर अपराधियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। वहीं महिलाओं की सुरक्षा के लिए ‘मिशन शक्ति’ के तहत प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं, ताकि वे खुद को सुरक्षित महसूस कर सकें। इस अवसर पर क्षेत्राधिकारी कौस्तुभ त्रिपाठी, समाजसेवी अखंड सिंह, मोहब्बत वसीम सत्येंद्र सिंह सोनू, राधेश्याम यादव, गणेश दत्त दुबे समेत थानाध्यक्ष देवेंद्र नाथ दुबे, सहित कई पुलिस अधिकारी, कर्मचारी एवं स्थानीय गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
मसीही समाज को मिला प्रशासन का साथ, CDBE चुनाव शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न

रायपुर- छत्तीसगढ़ डायोसिस बोर्ड ऑफ एजुकेशन (CDBE) के चुनाव आज रायपुर कलेक्टर कार्यालय में सफलतापूर्वक एवं शांतिपूर्ण तरीके से सम्पन्न हुए।

इस महत्वपूर्ण प्रक्रिया में जिला प्रशासन की सक्रिय भूमिका और पारदर्शिता को सराहते हुए मसीही समाज ने राज्य सरकार का आभार व्यक्त किया।

चुनाव प्रक्रिया जिला कलेक्टर, एडीएम, जिला शिक्षा अधिकारी एवं अन्य प्रशासनिक अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति में सम्पन्न हुई। इस दौरान बोर्ड के अध्यक्ष के रूप में द राइट रेव. सुभमा कुमार पदेन ने अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन किया।

नवनिर्वाचित कार्यकारिणी में

नितिन लॉरेन्स – उपाध्यक्ष

जॉयदीप रोबिन्सन – सचिव

प्रवीण मसीह – कोषाध्यक्ष

सहित अन्य सदस्यों को महत्वपूर्ण जिम्मेदारियाँ सौंपी गई हैं।

इस अवसर पर बोर्ड के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा एवं जिला प्रशासन का विशेष धन्यवाद करते हुए कहा कि सरकार ने मसीही समाज की समस्याओं को समझते हुए निष्पक्ष और सहयोगात्मक भूमिका निभाई है।

बोर्ड पदाधिकारियों ने कहा कि यह सहयोग राज्य में अल्पसंख्यक समुदाय के प्रति सरकार की संवेदनशीलता को दर्शाता है। साथ ही उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि लंबे समय से शैक्षणिक संस्थाओं के संचालन में आ रही समस्याओं के समाधान की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम है।

समाज के प्रतिनिधियों ने यह भी बताया कि कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा लगातार संस्थाओं की व्यवस्था को बाधित करने के प्रयास किए जा रहे थे, जिनके खिलाफ शिकायत दर्ज कराई गई है और प्रशासन से कड़ी कार्रवाई की अपेक्षा की गई है।

प्रशासन द्वारा आश्वासन दिया गया है कि जल्द ही सभी संस्थानों में सामान्य स्थिति बहाल की जाएगी तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता या अवैध कब्जे के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

अंत में, छत्तीसगढ़ डायोसिस के पदाधिकारियों ने सभी समाज के लोगों से अपील की कि वे एकजुट होकर शांति, शिक्षा और विकास के कार्यों में सहयोग करें।

निर्भया से भी ज्यादा जघन्य अपराध झारखंड की बेटी के साथ....आदित्य साहू

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवम सांसद आदित्य साहू ने आज प्रदेश कार्यालय में प्रेसवार्ता कर राज्य सरकार पर बड़ा निशाना साधा। श्री साहू कल हजारीबाग जिला अंतर्गत विष्णुगढ़ प्रखंड के कुसुंबा गांव से लौटने के बाद आज प्रदेश कार्यालय में प्रेसवार्ता को संबोधित कर रहे थे। श्री साहू के साथ कुसुंबा जाने वालों में सांसद मनीष जायसवाल, पूर्व नेता प्रतिपक्ष अमर कुमार बाउरी ,विधायक नागेंद्र महतो,अमित यादव,रोशन लाल चौधरी,जिला अध्यक्ष विवेकानंद सिंह शामिल थे।

श्री साहू ने कहा कि घटना की जानकारी मिलते ही वे पार्टी के जनप्रतिनिधियों के साथ कुसुंबा गांव गए और जो जानकारी मिली वह पूरी तरह रोंगटे खड़ा करने वाली,हृदय बिदारक है।

कहा कि जब पूरे देश में रामनवमी की तैयारियां चल रही हो, चैत्र नवरात्र में देवी की आराधना चल रही हो इसी बीच मंगलवारी जुलूस देखने गई एक गरीब मजदूर की 12 वर्षीय बेटी को अपराधी ,दरिंदे पकड़ते हैं,अपहरण कर उसका दुष्कर्म करते हैं और फिर हत्या भी कर देते हैं।

कहा कि ग्रामीण जनता ने बताया कि एक बेटी के साथ कैसा जघन्य कु कृत्य हुआ है। अपराधियों ने दुष्कर्म और हत्या के बात दरिंदगी की पराकाष्ठा की है। बेटी की आँखें निकाली गई, दांत तोड़े गए, जीभ काट दिए गए।

कहा कि ऐसे हालात में पुलिस प्रशासन की संवेदनहीनता ने राज्य की विधि व्यवस्था को उजागर किया है। चार दिनों तक गरीब के घर जिला प्रशासन नहीं पहुंचा। और हद तो तब हो गई जब मृत बेटी के मजदूर पिता को जल्द गांव आने में प्रशासन ने कोई मदद नहीं की।भाजपा के सांसद विधायकों ने फ्लाइट टिकट की व्यवस्था की।

कहा कि बात बात पर ट्वीट करने वाले मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को झारखंड की बेटी, गरीब की पीड़ा ने आहत नहीं किया।मुख्यमंत्री ने ट्वीट पर भी संवेदना प्रकट नहीं की।

कहा कि आखिर राज्य कहां जा रहा है।राज्य की जनता कैसे सुरक्षित रहे।कैसे बहन बेटियां सुरक्षित रहें ये मुख्यमंत्री जी बताएं। वे असम में जाकर वोट मांगेंगे।उन्हें असम की जनता के बीच अपनी नाकामियों,विफलताओं को बताना चाहिए।

कहा कि राज्य की पुलिस केवल वसूली में लगी है,कोयला ,पत्थर चोरों को संरक्षण देकर अपराधियों का संरक्षण कर रही है। अपनी तिजोरी भरने में जुटी है।

कहा कि भाजपा झारखंड की जन्मदात्री है।हम राज्य को बर्बाद होते नहीं देख सकते।

उन्होंने राज्य सरकार को चेतावनी दी और कहा कि 24 घंटे में अपराधी नहीं पकड़े गए तो 29 मार्च को हजारीबाग के सभी प्रखंडों में भाजपा कार्यकर्ता मशाल जुलूस निकालकर विरोध दर्ज करेंगे।30 को पूरा हजारीबाग को ठप करेंगे,बंद करेंगे। साथ ही पूरे प्रदेश में जिला मुख्यालयों पर पार्टी की महिला मोर्चा की बहने धरना प्रदर्शन करेंगी।

श्री साहू ने राज्य सरकार से मृतका के अपराधियों को फांसी की सजा दिलाने हेतु कार्रवाई की मांग की।साथ ही मजदूर पिता को सरकारी नौकरी ,परिवार को सुरक्षा और 50 लाख की सहायता राशि उपलब्ध कराने की मांग की।

श्री साहू ने कहा कि सत्ताधारी झामुमो कांग्रेस,राजद को अनर्गल बयानबाजी नहीं करनी चाहिए। अच्छा होगा ये नेता कुसुंबा जाकर स्थिति को देखें।

बिजली कर्मियों में उबाल: संविदा कर्मियों की छंटनी और अभियंताओं के निलंबन पर प्रदेशव्यापी आंदोलन की चेतावनी
लखनऊ। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति ने पावर कॉरपोरेशन प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर कड़ा विरोध जताते हुए चेतावनी दी है कि यदि हटाए गए संविदा कर्मियों की बहाली और अभियंताओं के निलंबन की कार्रवाई वापस नहीं ली गई, तो अप्रैल माह में प्रदेशव्यापी आंदोलन शुरू किया जाएगा।
संघर्ष समिति के अनुसार, प्रबंधन द्वारा निजीकरण की दिशा में मनमाने तरीके से राजधानी लखनऊ समेत एक दर्जन से अधिक शहरों में तथाकथित “वर्टिकल व्यवस्था” लागू की गई है। अब उसी व्यवस्था की समीक्षा के लिए प्रबंधन ने अपने ही अधिकारियों—निदेशकों और प्रबंध निदेशकों—को जिम्मेदारी सौंप दी है, जिससे निष्पक्षता और पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
समिति का कहना है कि वर्टिकल व्यवस्था लागू होने के बाद प्रदेश की बिजली व्यवस्था प्रभावित हुई है और आने वाली गर्मियों में उपभोक्ताओं को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। “सिंगल विंडो सिस्टम” को समाप्त कर कार्यों को चार भागों में बांट दिया गया है, जिससे समन्वय और जवाबदेही कमजोर हो गई है।
संघर्ष समिति ने यह भी आरोप लगाया कि स्मार्ट प्रीपेड मीटर व्यवस्था ने उपभोक्ताओं की समस्याएं बढ़ा दी हैं। कई मामलों में भुगतान के बावजूद बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो रही है, और उपभोक्ताओं को अलग-अलग विभागों के चक्कर काटने पड़ रहे हैं।
समिति ने प्रबंधन पर आरोप लगाया कि अपनी विफलताओं का ठीकरा कर्मचारियों और अभियंताओं पर फोड़ा जा रहा है। वर्टिकल व्यवस्था के नाम पर बड़े पैमाने पर संविदा कर्मियों की छंटनी, नियमित पदों में कटौती और टीजी-2 कर्मचारियों को हटाया गया है। साथ ही, अभियंताओं के निलंबन की तैयारी से कर्मचारियों में भारी रोष व्याप्त है।
अलीगढ़ में एक मुख्य अभियंता के निलंबन का उदाहरण देते हुए समिति ने इसे मनोबल तोड़ने वाली कार्रवाई बताया। साथ ही कहा कि कम वेतन पर काम करने वाले संविदा कर्मियों की आजीविका पर भी संकट खड़ा हो गया है।
संघर्ष समिति ने आरोप लगाया कि प्रबंधन जानबूझकर गर्मियों से पहले ऊर्जा निगमों में अस्थिरता पैदा कर रहा है, ताकि भविष्य में निजीकरण को उचित ठहराया जा सके। जिन शहरों में यह व्यवस्था लागू की गई है, वहां आगे अर्बन डिस्ट्रीब्यूशन फ्रेंचाइजी लागू करने की तैयारी भी चल रही है।
इसी क्रम में कानपुर इलेक्ट्रिसिटी सप्लाई कंपनी (KESCO) में बिजली कर्मियों ने उत्पीड़न के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया और प्रबंधन को चेतावनी दी। वहीं, पूर्वांचल एवं दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगमों के निजीकरण के विरोध में कर्मचारियों का आंदोलन 486वें दिन भी जारी रहा। संघर्ष समिति के संयोजक शैलेन्द्र दुबे ने कहा कि कर्मचारियों के हितों की अनदेखी किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जरूरत पड़ने पर आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
योग केवल व्यायाम नहीं,वरन एक संपूर्ण जीवन पद्धति है-विक्रम सिंह

बी एड़ विभाग में योग प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित



सुल्तानपुर। राणा प्रताप पी.जी. कॉलेज के बी.एड. विभाग द्वारा पाठ्येतर प्रायोगिक गतिविधियों के अंतर्गत एक दिवसीय योग प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को योग के महत्व से अवगत कराना तथा उन्हें शारीरिक एवं मानसिक रूप से स्वस्थ बनाना था। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में लखनऊ से आए योग प्रशिक्षक विक्रम सिंह ने अपने प्रेरणादायक उद्बोधन में कहा कि योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि यह एक संपूर्ण जीवन पद्धति है जो व्यक्ति के तन, मन और आत्मा को संतुलित करती है। उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित योगाभ्यास करने की सलाह दी। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्रो. डी. के. त्रिपाठी ने अपने संबोधन में कहा कि आज की भागदौड़ भरी जीवनशैली में योग का महत्व और भी बढ़ गया है। उन्होंने विद्यार्थियों को योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित किया।

योग प्रशिक्षक विक्रम सिंह द्वारा विभिन्न महत्वपूर्ण योगासन जैसे ताड़ासन, भुजंगासन, प्राणायाम एवं सूर्य नमस्कार का अभ्यास कराया गया। इन योगाभ्यासों के माध्यम से विद्यार्थियों को शारीरिक लचीलापन, मानसिक शांति एवं एकाग्रता के लाभों से अवगत कराया गया।
इस अवसर पर शाश्वत सिंह द्वारा योग का उत्कृष्ट प्रदर्शन भी किया गया, जिसे सभी ने सराहा। कार्यक्रम में विभागाध्यक्ष डॉ. भारती सिंह ने आभार व्यक्त किया तथा सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम का सफल संचालन डॉ. संतोष अंश द्वारा किया गया।

इस अवसर पर असिस्टेंट प्रोफेसर शांतिलता कुमारी, डॉ. सीमा सिंह, विजय सिंह सहित बी.एड. प्रथम वर्ष के सभी विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और योगाभ्यास किया। कार्यक्रम का समापन स्वस्थ जीवन के संकल्प के साथ हुआ।
सीतापुर में एनएसएस शिविर में स्वास्थ्य जागरूकता अभियान का शुभारंभ

कमलेश मेहरोत्रा लहरपुर (सीतापुर)। क्षेत्र के प्रभात राजेंद्र कुमार पूनम देवी महाविद्यालय के तत्वावधान में ग्राम भवानीपुर में चल रहे राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) इकाई के सात दिवसीय विशेष शिविर में ग्रामीणों को स्वास्थ्य जागरूकता  अभियान की जानकारी दी गई। शनिवार को शिविर का शुभारंभ ध्यान, प्राणायाम एवं योगाभ्यास के साथ किया गया और लोगों को स्वास्थ्य को लेकर जागरूक  किया गया।
कार्यक्रम में सेवक सेविकाओं ने प्रेरणादायक गीतों के माध्यम से स्वास्थ्य,स्वच्छता एवं संतुलित जीवनशैली का संदेश दिया और स्वास्थ्य के महत्व  तथा जंक फूड का सेवन न करने के  लिए जागरूक किया। इस मौके पर महाविद्यालय के संस्थापक राजेंद्र श्रीवास्तव ने स्वास्थ्य और स्वच्छता के महत्व पर विचार व्यक्त करते हुए कहा कि स्वस्थ समाज के निर्माण में स्वच्छ वातावरण की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।कार्यक्रम अधिकारी प्रकाश चंद्र व गौतम कुमार के नेतृत्व में एक स्वास्थ्य जागरूकता  रैली निकाली गई।इस दौरान स्वयंसेवकों एवं सेविकाओं ने ग्रामीणों को स्वच्छता और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक किया।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से प्राचार्य  मनोज श्रीवास्तव ,कार्यक्रम अधिकारी  प्रकाश चन्द्र, गौतम कुमार,
संयोजक  अमरेन्द्र सिंह चौहान,अमित वर्मा नमित मिश्रा अस्तुति अवस्थी सहित ग्रामीण व सेवक सेविकाएं उपस्थित थीं।
पुलिस द्वारा रन फार एंपावरमेंट का किया गया आयोजन
*महिला थानाध्यक्ष के साथ अधिकारियों पुलिसकर्मियों ने लगाई दौड़

गोंडा।जिले में मिशन शक्ति अभियान 5 के दूसरे चरण के तहत शनिवार को रन फार एंपावरमेंट का आयोजन किया गया।जहाँ इस दौड़ में गोंडा पुलिस की महिला अधिकारियों और पुलिसकर्मियों ने भाग लिया। पुलिस अधीक्षक ने रिजर्व पुलिस लाइन में हरी झंडी दिखाकर दौड़ का शुभारंभ किया।यह दौड़ पुलिस लाइन से शुरु होकर कचहरी, अंबेडकर चौराहा और एनसीसी कार्यालय होते हुए यातायात कार्यालय पर समाप्त हुई।इसका मुख्य उद्देश्य समाज में महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन के प्रति जागरूकता फैलाना तथा आमजन को मिशन शक्ति से जोड़ना था।दौड़ प्रतियोगिता का नेतृत्व महिला थानाध्यक्ष अनीता यादव ने किया।जिले की पुलिस महिलाओं को जागरूक करने के लिए विभिन्न कार्यक्रम आयोजित कर रही है।इसी अभियान के तहत सभी थानों पर मिशन शक्ति केंद्र स्थापित किए गए हैं,जहाँ महिलाओं की सुरक्षा,सहायता और परामर्श की सुविधाएं प्रदान की जा रही हैं।एंटी रोमियो टीमों को सक्रिय कर सार्वजनिक स्थलों, विद्यालयों,कोचिंग संस्थानों और बाजारों में लगातार निगरानी रखी जा रही है।चिन्हित असामाजिक तत्वों के विरुद्ध कानूनी कार्यवाही की जा रही है।इसके अतिरिक्त महिला पुलिसकर्मी स्कूलों, कालेजों,बाजारों और सार्वजनिक स्थलों पर पंपलेट वितरित कर महिलाओं और बालिकाओं को विभिन्न हेल्पलाइन सेवाओं के बारे में जानकारी दे रही हैं।पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने बताया कि रन फार एंपावरमेंट कार्यक्रम मिशन शक्ति 5 के दूसरे चरण का था।उन्होंने जोर दिया कि महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन समाज की प्राथमिक जिम्मेदारी है और गोंडा पुलिस इस दिशा में सदैव प्रयासरत है।पुलिस अधीक्षक ने जन भागीदारी पर बल देते हुए कहा कि समाज के सभी वर्गों को महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण में सहयोग देना चाहिए।इस अवसर पर अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी मनोज कुमार रावत,सहायक पुलिस अधीक्षक अभिषेक दवाच्या और प्रतिसार निरीक्षक अजय प्रताप सिंह भी उपस्थित रहे।
मरीजों को निजी अस्पताल में पहुंचाने वाले बिचाैलियों पर नजर रखेगी टीम
नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिले के सरकारी अस्पतालों से मरीजों को निजी अस्पतालों में डायवर्ट करने वाले बिचौलियों पर अब दो सदस्यीय टीम नजर रखेगी। सीएमओ डॉ.एसके चक ने कुल छह टीमों का गठन किया है। यह टीमें अलग-अलग अस्पतालों का दौरा करेंगी और बिचौलियों पर नजर रखेगी। एक टीम में डिप्टी सीएमओ, सीएचसी से एक स्वास्थ्यकर्मी होंगे। ये टीमें गोपनीय तरीके से जांच करेंगी। हर महीने सीएमओ स्तर से इसकी समीक्षा होगी।
महाराजा चेतसिंह जिला चिकित्सालय ज्ञानपुर, महाराजा बलवंत सिंह राजकीय चिकित्सालय भदोही, सरपतहां स्थित सौ शय्या अस्पताल, छह सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सुरियावां, गोपीगंज, भदोही, भानीपुर, डीघ औराई सहित 20 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, 206 उप स्वास्थ्य केंद्रों पर रोजाना 6000 से 6500 लोगों की ओपीडी होती है।
मरीज पहली बार दिखाने आते हैं, लेकिन दोबारा वह निजी अस्पताल में चलते जाते हैं। जिले के बड़े अस्पतालों में बिचौलिए सक्रिय हैं, जो मरीजों को निजी अस्पताल, लैैब का रूख कराते हैं। स्वास्थ्य केंद्रों पर ज्यादातर मरीज मौसमी बीमारी के आते हैं।
सीएमओ डॉ. एसके चक ने बताया कि अस्पताल में बिचौलिए किसी मरीज को गुमराह करते हैं। तो मरीज, तीमारदार सीधी शिकायत अस्पताल प्रशासन से कर सकता है। इनकी निगरानी के लिए दो सदस्यीय टीम बनाई गई है।