सड़क हादसे में बाइक सवार दो युवकों की मौत, एक की हालत गम्भीर
सीके सिंह(रूपम)

सीतापुर। बाइक पर सवार होकर शादी समारोह में शामिल होने जा रहे तीन युवकों की बाइक अज्ञात वाहन में पीछे से टकरा गयी। इस दुर्घटना में बाइक सवार दो युवकों की मौके पर ही मौत हो गयी। जबकि एक युवक गम्भीर रूप से घायल हो गया। जिसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ऐलिया से जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेजा दिया है।
जानकारी के अनुसार थाना इमलिया सुल्तानपुर इलाके में सीतापुर-गोला मार्ग पर निजामपुर व पारा के बीच में सोमवार की देर रात एक बाइक पर सवार होकर तीन युवक काजीकमालपुर से इमलिया सुल्तानपुर की ओर आ रहे थे। ग्रामीणों के मुताबिक बाइक की रफ्तार काफी तेज थी। जिससे बाइक अनियंत्रित होकर सीतापुर की ओर जा रहे अज्ञात वाहन में पीछे से टकरा गई। इस दुर्घटना में बाइक के परखच्चे उड़ गये। बाइक के टकराने की आवाज सुनकर कुछ दूरी पर खड़ी पीआरवी व ग्रामीण मौके पर पहुंचे। जहां ग्रामीणों की मदद से घायलों को सड़क के किनारे किया गया। जिसमें दो लोगों की मौके पर ही मौत हो गयी। जबकि घायल को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ऐलिया लाया गया। जहां मौजूद चिकित्सक डॉ सुधीर पांडेय की हालत गम्भीर देखते हुये जिला अस्पताल रेफर कर दिया।
पुलिस के अनुसार तीन युवक एक ही बाइक यूपी 34 सीई 9157 पर सवार होकर खैराबाद से काजीकमालपुर होते हुए कचनार में शादी समारोह में शामिल होने जा रहे थे तभी ग्राम निजामपुर में बाइक चालक द्वारा अज्ञात वाहन में पीछे से टक्कर मार दी गयी। जिससे बाइक सवार अंकुल(22) पुत्र जयकिशोर गौतम निवासी दसई खेड़ा थाना खैराबाद व देवीदास (24) पुत्र प्रेम रैदास निवासी ग्राम भेलावा थाना सन्दना की मौके पर ही मृत्यु हो गयी। जबकि विष्णु कुमार उर्फ राम जी पुत्र रामकिशुन निवासी दसई खेड़ा थाना खैराबाद घायल हो गया। जिसे  एम्बुलेंस से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ऐलिया भेजा गया, जहाँ से घायल को जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
रामराज में शिक्षण का नूतन अध्याय — दशमेश पब्लिक स्कूल में व्यक्तित्व विकास कार्यशाला आयोजित
मेरठ।बहसुमा।रामराज की प्रतिष्ठित शिक्षण संस्था दशमेश पब्लिक स्कूल में “पर्सनैलिटी डेवलपमेंट एवं प्रभावी शिक्षण” विषय पर एक महत्वपूर्ण कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस ज्ञानवर्धक सत्र का संचालन प्रख्यात विशेषज्ञ शैली तिवारी द्वारा किया गया, जिनका शिक्षा क्षेत्र में दो दशकों का समृद्ध अनुभव रहा है।

कार्यशाला के दौरान उन्होंने विद्यार्थियों के समग्र विकास पर विशेष बल देते हुए कहा कि अनुशासन के साथ आत्मविश्वास का निर्माण अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने सुझाव दिया कि विद्यालयी असेंबली में बच्चों को कविता पाठ, भाषण एवं समाचार वाचन जैसे अवसर प्रदान किए जाएं, जिससे उनकी अभिव्यक्ति क्षमता और आत्मविश्वास में वृद्धि हो सके।

उन्होंने शिक्षकों को यह भी बताया कि किस प्रकार सरल एवं रोचक तरीकों से पढ़ाई को बच्चों के लिए आनंददायक बनाया जा सकता है। कम्युनिकेशन स्किल के विकास पर विशेष जोर देते हुए उन्होंने अनेक व्यावहारिक टिप्स साझा किए।

कार्यक्रम में विद्यालय की निदेशक डॉ सिम्मी सहोता, प्रधानाचार्य आमिर खान, कोऑर्डिनेटर स्वाति अरोड़ा एवं मनजोत कौर सहित समस्त स्टाफ ने अतिथि का स्वागत किया।

कार्यशाला को लेकर शिक्षकों में विशेष उत्साह देखने को मिला तथा सभी ने इसे अत्यंत उपयोगी बताया। अंत में निदेशक डॉ. सिम्मी सहोता ने भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम आयोजित करने की इच्छा व्यक्त की।
हजारीबाग यूथ विंग ने रचा इतिहास, महा रक्तदान शिविर में 325 यूनिट रक्त संग्रह

हजारीबाग: समाजसेवा के क्षेत्र में लगातार सक्रिय हजारीबाग यूथ विंग ने वर्ष 2026 में मानवता की सेवा का एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। संगठन द्वारा लक्ष्मी सिनेमा हॉल में आयोजित एकदिवसीय महा रक्तदान शिविर में रिकॉर्ड 325 यूनिट रक्त संग्रह किया गया, जो जिले के इतिहास में एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।

यह शिविर समाज और मानवता की सेवा के प्रति संगठन की निष्ठा और समर्पण का प्रतीक बनकर उभरा। महज कुछ घंटों में ही बड़ी संख्या में रक्तदाता शिविर में पहुंचे और बिना किसी झिझक के रक्तदान कर एक मिसाल पेश की। आयोजन में हजारीबाग पुलिस का विशेष सहयोग रहा, वहीं रेड क्रॉस सोसाइटी और सदर अस्पताल की टीम द्वारा रक्त संग्रह किया गया।

शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों से उमड़ा जनसैलाब

रक्तदान शिविर में शहर के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। युवाओं के साथ महिलाओं ने भी बढ़-चढ़कर भाग लिया, जो समाज में बढ़ती जागरूकता और सेवा भावना को दर्शाता है।

महिलाओं की उल्लेखनीय भागीदारी

इस शिविर में आधा दर्जन से अधिक महिलाओं ने रक्तदान कर यह साबित किया कि समाजसेवा में उनकी भूमिका भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। महिलाओं की सक्रिय भागीदारी ने इस आयोजन को और भी प्रेरणादायक बना दिया।

जनप्रतिनिधियों ने बढ़ाया हौसला

शिविर का उद्घाटन हजारीबाग के सांसद मनीष जायसवाल ने किया। इस मौके पर सिमरिया विधायक उज्ज्वल कुमार दास, जिला परिषद अध्यक्ष उमेश मेहता, एएसपी अमित कुमार, सीसीआर डीएसपी मनोज कुमार, भाजपा नेता हरीश श्रीवास्तव, रेड क्रॉस सोसाइटी के सचिव तनवीर सिंह समेत कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

सांसद मनीष जायसवाल ने रक्तदाताओं को सलाम करते हुए कहा कि हजारीबाग यूथ विंग समाजसेवा के क्षेत्र में प्रेरणास्रोत बन रहा है। वहीं विधायक उज्ज्वल कुमार दास ने स्वयं रक्तदान कर लोगों को प्रेरित किया।

रक्तदाताओं को मिला सम्मान

सभी रक्तदाताओं को सड़क सुरक्षा के दृष्टिकोण से हेलमेट भेंट किया गया और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।

पुलिस जवान और NCC कैडेट्स की भागीदारी

पुलिस अधीक्षक श्री अंजनी अंजन के पहल पर झारखंड पुलिस के जवानों और NCC कैडेट्स ने भी बड़ी संख्या में रक्तदान कर मानवता की मिसाल पेश की।

संस्था पदाधिकारियों की अहम भूमिका

शिविर की शुरुआत अध्यक्ष करण जायसवाल, विनीता खंडेलवाल और संरक्षक चंद्र प्रकाश जैन द्वारा रक्तदान से हुई। इसके बाद क्रमवार 300 से अधिक लोगों ने रक्तदान किया।

संरक्षक चंद्र प्रकाश जैन ने कहा कि संस्था आगे भी इस तरह के सामाजिक कार्य जारी रखेगी। वहीं अध्यक्ष करण जायसवाल ने बताया कि 325 यूनिट रक्त संग्रह संगठन की बड़ी उपलब्धि है और भविष्य में भी सेवा कार्य जारी रहेंगे।

मानवता की सेवा का संदेश

यह महा रक्तदान शिविर केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि 325 संभावित जीवन बचाने की उम्मीद है। हजारीबाग यूथ विंग का यह प्रयास निश्चित रूप से अन्य संगठनों को भी प्रेरित करेगा कि वे भी समाजसेवा के इस अभियान से जुड़ें और जरूरतमंदों की मदद करें।

जायसवाल धर्मशाला में ऐतिहासिक अंदाज़ में मनाई गई बाबा साहब की जयंती, समाजवादी पार्टी ने दिया सामाजिक एकता का सशक्त संदेश
नगर बिल्थरा रोड की प्रतिष्ठित जायसवाल धर्मशाला में भीमराव अंबेडकर की जयंती इस वर्ष भव्य, प्रेरणादायक और ऐतिहासिक रूप में मनाई गई। समाजवादी पार्टी के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम ने न केवल श्रद्धा और सम्मान का वातावरण बनाया, बल्कि सामाजिक न्याय, समानता और संविधानिक मूल्यों के प्रति जनजागरण का भी मजबूत संदेश दिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता शमशाद बसपारी ने प्रभावशाली तरीके से की, जबकि संचालन सुनील कुमार टिंकू ने बेहद सधे और आकर्षक अंदाज़ में करते हुए पूरे आयोजन को जीवंत बनाए रखा। कार्यक्रम संयोजक पूर्व अध्यक्ष अनिल कुमार गुप्त ने आयोजन की विस्तृत रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए कहा कि बाबा साहब के विचार आज भी समाज को नई दिशा देने का कार्य कर रहे हैं।

समारोह की शुरुआत बाबा साहब के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर की गई, जिसके बाद उपस्थित वक्ताओं ने उनके जीवन संघर्ष, सामाजिक परिवर्तन की लड़ाई और भारतीय संविधान के निर्माण में उनके अतुलनीय योगदान को बड़े ही ओजपूर्ण शब्दों में प्रस्तुत किया। वक्ताओं ने कहा कि बाबा साहब का जीवन हर वर्ग के लिए प्रेरणा का स्रोत है और उनके बताए मार्ग पर चलकर ही एक सशक्त, समतामूलक और जागरूक समाज का निर्माण संभव है।
कार्यक्रम में मौजूद गणमान्य लोगों में प्रशांत कुमार मंटू, विनोद कुमार पप्पू, रवि किशोर, सभासद दानिश आफताब, भोला भाई, डॉ. असलम, जनार्दन यादव, सज्जन पासवान, पातीराम यादव, वीरेंद्र यादव, राजेश कुमार जायसवाल, संजय जायसवाल सहित बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ता, बुद्धिजीवी और आम नागरिक शामिल रहे। कार्यक्रम स्थल पर लोगों की भारी उपस्थिति ने इसे एक जन-आंदोलन जैसा रूप दे दिया।
पूरे आयोजन के दौरान “जय भीम” के नारों से वातावरण गूंजता रहा और उपस्थित जनसमूह में उत्साह और ऊर्जा साफ दिखाई दी। कार्यक्रम के अंत में सभी ने एकजुट होकर बाबा साहब के आदर्शों को अपने जीवन में उतारने, शिक्षा को बढ़ावा देने और समाज में भाईचारे व समानता को मजबूत करने का संकल्प लिया।
यह आयोजन न केवल एक जयंती समारोह रहा, बल्कि सामाजिक जागरूकता और एकता का एक सशक्त मंच बनकर उभरा, जिसकी चर्चा पूरे क्षेत्र में हो रही है।
आजमगढ़:महा पंडित राहुल सांकृत्यायन की मनाई गयी 63 वीं पुण्यतिथि
आजमगढ़।महापंडित राहुल सांकृत्यायन की की 63 वीं पुण्यतिथि पर उनकी जन्म स्थली पंदहा,रानी की सराय में उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण और नारे लगाते हुए उनकी स्मृतियों को लोगों ने नमन किया। इस अवसर पर भाकपा उप्र कंट्रोल कमीशन के सदस्य हरिगेन राम ने कहा कि आज महान यायावर और दुनिया को अपनी विद्वता का लोहा मनवाने वाले साम्यवादी,दार्शनिक राहुल सांकृत्यायन की पुण्यतिथि है तो दूसरी तरफ भारतीय संविधान के निर्माता बाबा साहब डॉ भीमराव अंबेडकर जी की जयंती है।हमें यह सौभाग्य है कि राहुल जी आजमगढ़ में पैदा होकर इस जिले,प्रदेश और देश का नाम दुनियाभर में किए। भाकपा जिला सचिव जितेंद्र हरि पाण्डेय ने कहा कि डॉ भीमराव अंबेडकर और राहुल सांकृत्यायन जी समकक्ष थे।राहुल जी ने बौद्ध साहित्य की खोज करके साम्यवादी सोच और शांति के मार्ग को मजबूत किया।वहीं डॉ भीमराव अंबेडकर जी सामाजिक असमानता,छुवाछूत,गरीबी,समानता के मार्ग को मजबूत करते हुए भारत के संविधान निर्माता कहलाए।दोनों महापुरुषों के पदचिन्हों पर चलकर ही बेहतर समाज और खुशहाल समाज का निर्माण किया जा सकता है। राहुल जन पुस्तकालय के प्रबंधक राधेश्याम पाठक ने कार्यक्रम में आए हुए लोगों का आभार व्यक्त किया।इस अवसर पर ग्राम प्रधान अशोक कन्नौजिया,बेचू पाठक,सतीश पाठक,विजय नारायण, बंशू यादव,विनोद,डॉ राहुल तिवारी, शिवा नंद राय, अमरनाथ पाठक ,दयाशंकर पाठक आदि लोग उपस्थित थे। भवदीय - जितेंद्र हरि पाण्डेय
शंकरगढ़ पुलिस का एक्शन, चप्पे-चप्पे पर रही नजर संदिग्धों की ली गई तलाशी

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज। शंकरगढ़ थाना क्षेत्र के अंतर्गत एसीपी बारा वेद व्यास मिश्रा के निर्देशन में थाना अध्यक्ष शंकरगढ़ सुशील कुमार द्विवेदी एवं पुलिस टीम पूरी तरह अलर्ट मोड में नजर आई। कानून-व्यवस्था को और मजबूत करने के उद्देश्य से पुलिस टीम ने शिवराजपुर चौराहे पर पैदल गस्त कर सुरक्षा का एहसास दिलाया। इस दौरान पुलिस ने आने-जाने वाले लोगों पर पैनी नजर रखी और संदिग्ध व्यक्तियों व वाहनों की गहन चेकिंग की। पुलिस की इस सक्रियता से इलाके में हड़कंप मच गया और असामाजिक तत्वों में खलबली देखी गई। थाना प्रभारी ने बताया कि क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने और अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए इस तरह के अभियान लगातार जारी रहेंगे। पुलिस की इस मुस्तैदी से स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली और सराहना की।

तालाब पर ताज, कानून पर लाज!’—अमिलिया में जिंदा दफ्न हुआ जलस्रोत, बेनकाब हुआ पूरा सिस्टम

विश्वनाथ प्रताप सिंह

बारा तहसील बना मूक दर्शक’—तहसीलदार से SDM तक खामोशी, कब्जेदारों की बल्ले-बल्ले!

प्रयागराज। अमिलिया,प्रयागराज। यह सिर्फ खबर नहीं—यह जमीनी हकीकत का वह आईना है जिसमें पूरा सिस्टम बेनकाब खड़ा है। यमुनानगर क्षेत्र के बारा तहसील अंतर्गत अमिलिया तरहार गांव में सरकारी तालाब अब इतिहास बन चुका है। जहां कभी पानी की लहरें थीं, वहां आज मिट्टी, मलबा और पक्के निर्माण खड़े हैं—और यह सब प्रशासन की खुली आंखों के सामने हुआ।

तालाब जिंदा था… उसे मार दिया गया!’—कागजों में जल, जमीन पर जंगलराज

राजस्व रिकॉर्ड चीख-चीखकर बता रहे हैं कि आराजी संख्या 299 और 307 आज भी पोखरी तालाब हैं। लेकिन मौके पर हकीकत ऐसी है कि तालाब को पूरी तरह पाटकर उस पर कब्जा कर लिया गया है। यह कोई साधारण अतिक्रमण नहीं—यह जलस्रोत की सुनियोजित हत्या है।

मीडिया ने मचाया शोर, सिस्टम रहा ठंडा’—हफ्तों से उठ रही आवाज, असर शून्य

सोशल मीडिया, अखबार, स्थानीय पत्रकार—हर प्लेटफॉर्म से इस मुद्दे को लगातार उठाया गया। अधिकारियों को बार-बार चेताया गया, खबरें छपीं, तस्वीरें सामने आईं लेकिन नतीजा वही ढाक के तीन पात। अब गांव में एक ही बात गूंज रही है—“दाल में काला नहीं, पूरी दाल ही जल चुकी है!

धारा 67 दम तोड़ चुकी?’—आदेश जारी, कब्जा बरकरार

2020-21 में धारा 67 के तहत बेदखली और क्षतिपूर्ति के आदेश पास हुए। यानी कानून ने अपनी भूमिका निभाई—लेकिन उसे लागू करने वालों ने हथियार डाल दिए।

आदेश फाइलों में कैद हैं, और जमीन पर कब्जेदार आज भी राज कर रहे हैं।

कोर्ट भी बेबस न्यायिक निर्देशों की खुली अवहेलना न्यायालय ने साफ कहा—कार्रवाई करो। लेकिन बारा तहसील का सिस्टम मानो सुनने को तैयार ही नहीं। यह सवाल अब जोर पकड़ रहा है—क्या कुछ अधिकारी खुद को कोर्ट से भी ऊपर मान बैठे हैं?

‘पूरा महकमा कटघरे में’—तहसीलदार, नायब, कानूनगो, लेखपाल सब पर सवाल

इस पूरे प्रकरण में: तहसीलदार,

नायब तहसीलदार,कानूनगो

संबंधित लेखपाल, और उपजिलाधिकारी (SDM) सभी की भूमिका सवालों के घेरे में है। आखिर किसकी जिम्मेदारी थी? किसने आंखें मूंदी? और किसके इशारे पर यह सब होने दिया गया?

तालाब नहीं, पूरा तंत्र पाटा गया!’—जिंदा हकीकत से इनकार नहीं

यह कहना गलत नहीं होगा कि अमिलिया में सिर्फ तालाब नहीं पाटा गया—बल्कि कानून, पर्यावरण और प्रशासनिक जवाबदेही—तीनों को एक साथ दफ्न कर दिया गया है। पूरा तालाब “बक्सा” कर बंद कर दिया गया, और जिम्मेदार अफसर मूकदर्शक बने रहे।

इतना नमक कि निगलना मुश्किल’—गांव में उबल रहा गुस्सा

ग्रामीणों का कहना है—अगर दाल में नमक ज्यादा हो जाए तो वह निगली नहीं जाती, और यहां तो हालात ऐसे हैं कि पूरी व्यवस्था ही बेस्वाद हो चुकी है। भरोसा टूट चुका है।

अब जिलाधिकारी ही आखिरी उम्मीद’—जिलाधिकारी से सीधे हस्तक्षेप की मांग

सूत्र साफ संकेत दे रहे हैं कि बारा तहसील स्तर पर यह मामला सुलझाने की क्षमता या इच्छाशक्ति दोनों खत्म हो चुकी हैं। अब ग्रामीणों की नजरें सीधे जिलाधिकारी प्रयागराज पर टिक गई हैं। मांग है कि: पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच हो। जिम्मेदार अधिकारियों से जवाब तलब किया जाए और तत्काल प्रभाव से कब्जा हटाया जाए

सीएम का फरमान बनाम जमीनी सच्चाई बड़ा विरोधाभास

उत्तर प्रदेश सीएम योगी आदित्यनाथ का साफ संदेश है—भू-माफिया किसी कीमत पर बख्शे नहीं जाएंगे। लेकिन अमिलिया में पूरा तालाब ही बक्सा कर कब्जा लिया गया, और प्रशासन चुप है। यह जमीनी हकीकत सरकार के दावों पर भी सवाल खड़ा कर रही है।

आज तालाब गया, कल पानी जाएगा’—भविष्य खतरे में

यह सिर्फ जमीन नहीं यह आने वाली पीढ़ियों का पानी है। अगर आज भी नहीं चेते तो कल प्यास ही विरासत बनेगी।

आखिरी सवाल, सबसे बड़ा सवाल—कानून जिंदा है या मर चुका है।

अमिलिया अब सिर्फ एक गांव नहीं यह सिस्टम की साख का रणक्षेत्र बन चुका है। अब देखना है—कानून की जीत होती है या दबंगई फिर एक बार ताज पहन लेती है।

जनपद में धूमधाम व हर्षोउल्लास से मनाई गई भारत रत्न डॉ0 भीमराव अम्बेडकर की जयंती

*विकास भवन में धूमधाम से मनाई गई डॉ0भीमराव अम्बेडकर की जयंती*


रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भारत रत्न" बाबा साहब डॉ भीमराव अम्बेडकर की जयन्ती जनपद में बड़े धूमधाम व हर्षोउल्लास से मनाई गई। कलेक्ट्रेट में जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने डॉ भीमराव अम्बेडकर के चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित कर जनपद वासियों को बधाई व शुभकामना दिया। इस अवसर पर अपर जिलाधिकरी कुंवर वीरेंद्र मौर्य, अपर जिलाधिकारी न्यायिक विजय नारायण सिंह व कलेक्ट्रेट स्टाफ उपस्थित रहे।
          
कलेक्ट्रेट में आयोजित "डॉ भीमराव अम्बेडकर, व्यक्तित्व व कृतित्व कार्यक्रम" में जिलाधिकारी ने कहा कि हमारा संविधान विश्व के सबसे बड़े लोकतंत्र की आत्मा है। उन्होंने कहा कि बाबा साहब ने बतौर संविधान समिति के अध्यक्ष संविधान बनाते समय समाज के हर वर्ग, हर तबके का ध्यान रखा। भारतीय संविधान में भारत के नगारिक को समान अधिकार मिले, इसके लिए कई देशों के संविधान को भी अपने देश के सविधान में लिया गया, जिसका परिणाम है कि विभिन्न जातियों, सम्प्रदायों, भाषाओं आदि की विविधता के बावजूद हमारा देश एक सूत्र में बंधा हुआ है।
         
अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व कुंवर वीरेंद्र मौर्य ने कहा कि हम विविधताओं, विषमताओं, असमानताओं के बावजूद, इतने वर्षाे से साथ बने हुए है तो इसका बहुत बड़ा कारण हमारा संविधान ही है। बाबा साहब के संविधान ने भारत को वह ऊॅचाईयां दी है जिसके कारण आज भारत पूरे विश्व में एक अलग और मजबूत राष्ट्र के रूप में नजर आता है, भारत रत्न डॉ भीमराव अंबेडकर जी की जयंती पर जनपद के समस्त कार्यालयों ,तहसील, विकास खंडों, संस्थाओं, प्रतिष्ठानों, ग्रामीण क्षेत्रों में धूमधाम से कार्यक्रम आयोजित करते हुए उनके विचारों, सिद्धांतों, शिक्षाओं, पर बल दिया गया।
        
अपर जिलाधिकारी न्यायिक विजय नारायण सिंह अधिकारियों-कर्मियों से कहा कि वे सब संवैधानिक दायरे में रहकर अपने पदीय दायित्वों का निर्वहन करें, यही बाबा साहब के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। उन्होंने कहा कि हम जहां भी ,जिस भी पटल पर है वहां स्वयं को रखकर सोचें और हर जरूरतमंद की मदद करें तो निश्चित ही समाज की दशा और दिशा बदल जाएगी।

इसी क्रम में भारत रत्न बाबा साहब भीम राव अम्बेडकर की जयन्ती विकास भवन सभागार में बड़े धूमधाम से मनाई गई। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी बाल गोविंद शुक्ला विकास भवन के अन्य अधिकारियों, कर्मचारियों ने बाबा साहब भीम राव अम्बेडकर के चित्र पर माल्यार्पण श्रद्धासुमन अर्पित किया।

मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि भारत रत्न डा0 भीम राव अम्बेडकर का योगदान बहुत है, कमजोर वर्ग को आगे बढ़ाने के लिए उन्होंने जो संवैधानिक व्यवस्था बनाई वह अपने आप में विशिष्ट है उनके द्वारा निर्मित संविधान को यदि गंभीरता से समझना है तो भारतीय संविधान के लागू होने से पहले की व्यवस्थाओं को समझना होगा।
15 दिन के अभियान का 14 वां दिन खत्म, सिर्फ दुकानदारों को मिली चेतावनी


*अभियान के पहले दिन कुछ क्षेत्रों से हटाया गया था अतिक्रमण, फिर से सजने लगी है पटरी पर दुकानें*


रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। शहरी क्षेत्रों में सड़कों की पटरियों को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए चल रहे 15 दिनी अभियान का 14 वां दिन खत्म हो गया। फिर भी पटरियों पर अतिक्रमण जस का तस है। यातायात और पुलिस की संयुक्त टीम ने 10 दिन पहले सड़कों की पटरियों से सामान हटाने के लिए दुकानदारों को चेतावनी दी थी। फिर भी दुकानदारों को कोई फर्क नहीं पड़ा। अतिक्रमण के कारण बाजार में जाम लगता है। इससे राहगीरों को परेशानी होती है। गोपीगंज नगर में रोजाना जाम लगता है। यातायात विभाग ने अतिक्रमण हटाने के लिए एक से 15 अप्रैल तक अभियान चलाने का निर्णय लिया था। अभियान के पहले दिन गोपीगंज ज्ञानपुर मोड़, मिर्जापुर तिराहा, काली देवी रोड़, स्टेशन रोड़, खड़हट्टी मोहाल, पुलिस चौकी, पालिका चेंबर के पास अतिक्रमण हटवाया गया था।

पुलिस चौकी और नगर पालिक कार्यालय के पास जो दुकानें स्थायी रूप से सड़क के किनारे लगती थी, उसे हटा दिया गया है। कभी कभार अस्थायी ठेला, खोमचा वाले आ जाते हैं। ऐसे दुकानदारों पर भी अब कार्रवाई की जाएगी। - राकेश कुमार सिंह, यातायात प्रभारी भदोही।

बड़े स्तर पर पुलिस बल के साथ अभियान चलाया जाएगा। इसके लिए उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा गया है। अभियान की अभी तिथि निश्चित नहीं है।
- राम बचन यादव, ईओ गोपीगंज।
आवास विकास में कूड़े के ढेर में मिला नवजात का शव

फर्रुखाबाद। जनपद में एक बार फिर दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। थाना कादरी गेट क्षेत्र के आवास विकास इलाके में सोमवार को कूड़े के ढेर में नवजात शिशु का शव मिलने से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, कूड़ा उठाने पहुंचे एक सफाई कर्मचारी को कूड़े में पड़ा एक संदिग्ध डिब्बा दिखाई दिया। शक होने पर जब उसने डिब्बा खोला तो उसमें एक नवजात शिशु का शव रखा मिला। यह दृश्य देखकर वह स्तब्ध रह गया और तत्काल पुलिस को सूचना दी।

सूचना मिलते ही कादरी गेट थाना प्रभारी कपिल चौधरी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी। कुछ ही देर में स्वास्थ्य विभाग के एसीएमओ रंजन गौतम भी मौके पर पहुंचे और मामले की जानकारी ली।

प्रारंभिक जांच में यह आशंका जताई जा रही है कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने नवजात के शव को डिब्बे में बंद कर यहां फेंका है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। आसपास के अस्पतालों और क्षेत्रों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं, ताकि घटना से जुड़े व्यक्ति की पहचान की जा सके।

एसीएमओ रंजन गौतम ने बताया कि दोषी की पहचान होने पर उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। वहीं, इस घटना ने एक बार फिर समाज को झकझोर कर रख दिया है और ऐसे मामलों को लेकर प्रशासन की कार्यशैली पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। फिलहाल पुलिस और प्रशासन की टीमें मामले की गहन जांच में जुटी हुई हैं। इससे पहले भी आवास विकास में कई नवजात के शव मिल चुके है। जिससे पुलिस की शक की सुई निजी नर्सिंग होम की तरफ घूम गई है।
सड़क हादसे में बाइक सवार दो युवकों की मौत, एक की हालत गम्भीर
सीके सिंह(रूपम)

सीतापुर। बाइक पर सवार होकर शादी समारोह में शामिल होने जा रहे तीन युवकों की बाइक अज्ञात वाहन में पीछे से टकरा गयी। इस दुर्घटना में बाइक सवार दो युवकों की मौके पर ही मौत हो गयी। जबकि एक युवक गम्भीर रूप से घायल हो गया। जिसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ऐलिया से जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेजा दिया है।
जानकारी के अनुसार थाना इमलिया सुल्तानपुर इलाके में सीतापुर-गोला मार्ग पर निजामपुर व पारा के बीच में सोमवार की देर रात एक बाइक पर सवार होकर तीन युवक काजीकमालपुर से इमलिया सुल्तानपुर की ओर आ रहे थे। ग्रामीणों के मुताबिक बाइक की रफ्तार काफी तेज थी। जिससे बाइक अनियंत्रित होकर सीतापुर की ओर जा रहे अज्ञात वाहन में पीछे से टकरा गई। इस दुर्घटना में बाइक के परखच्चे उड़ गये। बाइक के टकराने की आवाज सुनकर कुछ दूरी पर खड़ी पीआरवी व ग्रामीण मौके पर पहुंचे। जहां ग्रामीणों की मदद से घायलों को सड़क के किनारे किया गया। जिसमें दो लोगों की मौके पर ही मौत हो गयी। जबकि घायल को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ऐलिया लाया गया। जहां मौजूद चिकित्सक डॉ सुधीर पांडेय की हालत गम्भीर देखते हुये जिला अस्पताल रेफर कर दिया।
पुलिस के अनुसार तीन युवक एक ही बाइक यूपी 34 सीई 9157 पर सवार होकर खैराबाद से काजीकमालपुर होते हुए कचनार में शादी समारोह में शामिल होने जा रहे थे तभी ग्राम निजामपुर में बाइक चालक द्वारा अज्ञात वाहन में पीछे से टक्कर मार दी गयी। जिससे बाइक सवार अंकुल(22) पुत्र जयकिशोर गौतम निवासी दसई खेड़ा थाना खैराबाद व देवीदास (24) पुत्र प्रेम रैदास निवासी ग्राम भेलावा थाना सन्दना की मौके पर ही मृत्यु हो गयी। जबकि विष्णु कुमार उर्फ राम जी पुत्र रामकिशुन निवासी दसई खेड़ा थाना खैराबाद घायल हो गया। जिसे  एम्बुलेंस से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ऐलिया भेजा गया, जहाँ से घायल को जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
रामराज में शिक्षण का नूतन अध्याय — दशमेश पब्लिक स्कूल में व्यक्तित्व विकास कार्यशाला आयोजित
मेरठ।बहसुमा।रामराज की प्रतिष्ठित शिक्षण संस्था दशमेश पब्लिक स्कूल में “पर्सनैलिटी डेवलपमेंट एवं प्रभावी शिक्षण” विषय पर एक महत्वपूर्ण कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस ज्ञानवर्धक सत्र का संचालन प्रख्यात विशेषज्ञ शैली तिवारी द्वारा किया गया, जिनका शिक्षा क्षेत्र में दो दशकों का समृद्ध अनुभव रहा है।

कार्यशाला के दौरान उन्होंने विद्यार्थियों के समग्र विकास पर विशेष बल देते हुए कहा कि अनुशासन के साथ आत्मविश्वास का निर्माण अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने सुझाव दिया कि विद्यालयी असेंबली में बच्चों को कविता पाठ, भाषण एवं समाचार वाचन जैसे अवसर प्रदान किए जाएं, जिससे उनकी अभिव्यक्ति क्षमता और आत्मविश्वास में वृद्धि हो सके।

उन्होंने शिक्षकों को यह भी बताया कि किस प्रकार सरल एवं रोचक तरीकों से पढ़ाई को बच्चों के लिए आनंददायक बनाया जा सकता है। कम्युनिकेशन स्किल के विकास पर विशेष जोर देते हुए उन्होंने अनेक व्यावहारिक टिप्स साझा किए।

कार्यक्रम में विद्यालय की निदेशक डॉ सिम्मी सहोता, प्रधानाचार्य आमिर खान, कोऑर्डिनेटर स्वाति अरोड़ा एवं मनजोत कौर सहित समस्त स्टाफ ने अतिथि का स्वागत किया।

कार्यशाला को लेकर शिक्षकों में विशेष उत्साह देखने को मिला तथा सभी ने इसे अत्यंत उपयोगी बताया। अंत में निदेशक डॉ. सिम्मी सहोता ने भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम आयोजित करने की इच्छा व्यक्त की।
हजारीबाग यूथ विंग ने रचा इतिहास, महा रक्तदान शिविर में 325 यूनिट रक्त संग्रह

हजारीबाग: समाजसेवा के क्षेत्र में लगातार सक्रिय हजारीबाग यूथ विंग ने वर्ष 2026 में मानवता की सेवा का एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। संगठन द्वारा लक्ष्मी सिनेमा हॉल में आयोजित एकदिवसीय महा रक्तदान शिविर में रिकॉर्ड 325 यूनिट रक्त संग्रह किया गया, जो जिले के इतिहास में एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।

यह शिविर समाज और मानवता की सेवा के प्रति संगठन की निष्ठा और समर्पण का प्रतीक बनकर उभरा। महज कुछ घंटों में ही बड़ी संख्या में रक्तदाता शिविर में पहुंचे और बिना किसी झिझक के रक्तदान कर एक मिसाल पेश की। आयोजन में हजारीबाग पुलिस का विशेष सहयोग रहा, वहीं रेड क्रॉस सोसाइटी और सदर अस्पताल की टीम द्वारा रक्त संग्रह किया गया।

शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों से उमड़ा जनसैलाब

रक्तदान शिविर में शहर के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। युवाओं के साथ महिलाओं ने भी बढ़-चढ़कर भाग लिया, जो समाज में बढ़ती जागरूकता और सेवा भावना को दर्शाता है।

महिलाओं की उल्लेखनीय भागीदारी

इस शिविर में आधा दर्जन से अधिक महिलाओं ने रक्तदान कर यह साबित किया कि समाजसेवा में उनकी भूमिका भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। महिलाओं की सक्रिय भागीदारी ने इस आयोजन को और भी प्रेरणादायक बना दिया।

जनप्रतिनिधियों ने बढ़ाया हौसला

शिविर का उद्घाटन हजारीबाग के सांसद मनीष जायसवाल ने किया। इस मौके पर सिमरिया विधायक उज्ज्वल कुमार दास, जिला परिषद अध्यक्ष उमेश मेहता, एएसपी अमित कुमार, सीसीआर डीएसपी मनोज कुमार, भाजपा नेता हरीश श्रीवास्तव, रेड क्रॉस सोसाइटी के सचिव तनवीर सिंह समेत कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

सांसद मनीष जायसवाल ने रक्तदाताओं को सलाम करते हुए कहा कि हजारीबाग यूथ विंग समाजसेवा के क्षेत्र में प्रेरणास्रोत बन रहा है। वहीं विधायक उज्ज्वल कुमार दास ने स्वयं रक्तदान कर लोगों को प्रेरित किया।

रक्तदाताओं को मिला सम्मान

सभी रक्तदाताओं को सड़क सुरक्षा के दृष्टिकोण से हेलमेट भेंट किया गया और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।

पुलिस जवान और NCC कैडेट्स की भागीदारी

पुलिस अधीक्षक श्री अंजनी अंजन के पहल पर झारखंड पुलिस के जवानों और NCC कैडेट्स ने भी बड़ी संख्या में रक्तदान कर मानवता की मिसाल पेश की।

संस्था पदाधिकारियों की अहम भूमिका

शिविर की शुरुआत अध्यक्ष करण जायसवाल, विनीता खंडेलवाल और संरक्षक चंद्र प्रकाश जैन द्वारा रक्तदान से हुई। इसके बाद क्रमवार 300 से अधिक लोगों ने रक्तदान किया।

संरक्षक चंद्र प्रकाश जैन ने कहा कि संस्था आगे भी इस तरह के सामाजिक कार्य जारी रखेगी। वहीं अध्यक्ष करण जायसवाल ने बताया कि 325 यूनिट रक्त संग्रह संगठन की बड़ी उपलब्धि है और भविष्य में भी सेवा कार्य जारी रहेंगे।

मानवता की सेवा का संदेश

यह महा रक्तदान शिविर केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि 325 संभावित जीवन बचाने की उम्मीद है। हजारीबाग यूथ विंग का यह प्रयास निश्चित रूप से अन्य संगठनों को भी प्रेरित करेगा कि वे भी समाजसेवा के इस अभियान से जुड़ें और जरूरतमंदों की मदद करें।

जायसवाल धर्मशाला में ऐतिहासिक अंदाज़ में मनाई गई बाबा साहब की जयंती, समाजवादी पार्टी ने दिया सामाजिक एकता का सशक्त संदेश
नगर बिल्थरा रोड की प्रतिष्ठित जायसवाल धर्मशाला में भीमराव अंबेडकर की जयंती इस वर्ष भव्य, प्रेरणादायक और ऐतिहासिक रूप में मनाई गई। समाजवादी पार्टी के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम ने न केवल श्रद्धा और सम्मान का वातावरण बनाया, बल्कि सामाजिक न्याय, समानता और संविधानिक मूल्यों के प्रति जनजागरण का भी मजबूत संदेश दिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता शमशाद बसपारी ने प्रभावशाली तरीके से की, जबकि संचालन सुनील कुमार टिंकू ने बेहद सधे और आकर्षक अंदाज़ में करते हुए पूरे आयोजन को जीवंत बनाए रखा। कार्यक्रम संयोजक पूर्व अध्यक्ष अनिल कुमार गुप्त ने आयोजन की विस्तृत रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए कहा कि बाबा साहब के विचार आज भी समाज को नई दिशा देने का कार्य कर रहे हैं।

समारोह की शुरुआत बाबा साहब के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर की गई, जिसके बाद उपस्थित वक्ताओं ने उनके जीवन संघर्ष, सामाजिक परिवर्तन की लड़ाई और भारतीय संविधान के निर्माण में उनके अतुलनीय योगदान को बड़े ही ओजपूर्ण शब्दों में प्रस्तुत किया। वक्ताओं ने कहा कि बाबा साहब का जीवन हर वर्ग के लिए प्रेरणा का स्रोत है और उनके बताए मार्ग पर चलकर ही एक सशक्त, समतामूलक और जागरूक समाज का निर्माण संभव है।
कार्यक्रम में मौजूद गणमान्य लोगों में प्रशांत कुमार मंटू, विनोद कुमार पप्पू, रवि किशोर, सभासद दानिश आफताब, भोला भाई, डॉ. असलम, जनार्दन यादव, सज्जन पासवान, पातीराम यादव, वीरेंद्र यादव, राजेश कुमार जायसवाल, संजय जायसवाल सहित बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ता, बुद्धिजीवी और आम नागरिक शामिल रहे। कार्यक्रम स्थल पर लोगों की भारी उपस्थिति ने इसे एक जन-आंदोलन जैसा रूप दे दिया।
पूरे आयोजन के दौरान “जय भीम” के नारों से वातावरण गूंजता रहा और उपस्थित जनसमूह में उत्साह और ऊर्जा साफ दिखाई दी। कार्यक्रम के अंत में सभी ने एकजुट होकर बाबा साहब के आदर्शों को अपने जीवन में उतारने, शिक्षा को बढ़ावा देने और समाज में भाईचारे व समानता को मजबूत करने का संकल्प लिया।
यह आयोजन न केवल एक जयंती समारोह रहा, बल्कि सामाजिक जागरूकता और एकता का एक सशक्त मंच बनकर उभरा, जिसकी चर्चा पूरे क्षेत्र में हो रही है।
आजमगढ़:महा पंडित राहुल सांकृत्यायन की मनाई गयी 63 वीं पुण्यतिथि
आजमगढ़।महापंडित राहुल सांकृत्यायन की की 63 वीं पुण्यतिथि पर उनकी जन्म स्थली पंदहा,रानी की सराय में उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण और नारे लगाते हुए उनकी स्मृतियों को लोगों ने नमन किया। इस अवसर पर भाकपा उप्र कंट्रोल कमीशन के सदस्य हरिगेन राम ने कहा कि आज महान यायावर और दुनिया को अपनी विद्वता का लोहा मनवाने वाले साम्यवादी,दार्शनिक राहुल सांकृत्यायन की पुण्यतिथि है तो दूसरी तरफ भारतीय संविधान के निर्माता बाबा साहब डॉ भीमराव अंबेडकर जी की जयंती है।हमें यह सौभाग्य है कि राहुल जी आजमगढ़ में पैदा होकर इस जिले,प्रदेश और देश का नाम दुनियाभर में किए। भाकपा जिला सचिव जितेंद्र हरि पाण्डेय ने कहा कि डॉ भीमराव अंबेडकर और राहुल सांकृत्यायन जी समकक्ष थे।राहुल जी ने बौद्ध साहित्य की खोज करके साम्यवादी सोच और शांति के मार्ग को मजबूत किया।वहीं डॉ भीमराव अंबेडकर जी सामाजिक असमानता,छुवाछूत,गरीबी,समानता के मार्ग को मजबूत करते हुए भारत के संविधान निर्माता कहलाए।दोनों महापुरुषों के पदचिन्हों पर चलकर ही बेहतर समाज और खुशहाल समाज का निर्माण किया जा सकता है। राहुल जन पुस्तकालय के प्रबंधक राधेश्याम पाठक ने कार्यक्रम में आए हुए लोगों का आभार व्यक्त किया।इस अवसर पर ग्राम प्रधान अशोक कन्नौजिया,बेचू पाठक,सतीश पाठक,विजय नारायण, बंशू यादव,विनोद,डॉ राहुल तिवारी, शिवा नंद राय, अमरनाथ पाठक ,दयाशंकर पाठक आदि लोग उपस्थित थे। भवदीय - जितेंद्र हरि पाण्डेय
शंकरगढ़ पुलिस का एक्शन, चप्पे-चप्पे पर रही नजर संदिग्धों की ली गई तलाशी

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज। शंकरगढ़ थाना क्षेत्र के अंतर्गत एसीपी बारा वेद व्यास मिश्रा के निर्देशन में थाना अध्यक्ष शंकरगढ़ सुशील कुमार द्विवेदी एवं पुलिस टीम पूरी तरह अलर्ट मोड में नजर आई। कानून-व्यवस्था को और मजबूत करने के उद्देश्य से पुलिस टीम ने शिवराजपुर चौराहे पर पैदल गस्त कर सुरक्षा का एहसास दिलाया। इस दौरान पुलिस ने आने-जाने वाले लोगों पर पैनी नजर रखी और संदिग्ध व्यक्तियों व वाहनों की गहन चेकिंग की। पुलिस की इस सक्रियता से इलाके में हड़कंप मच गया और असामाजिक तत्वों में खलबली देखी गई। थाना प्रभारी ने बताया कि क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने और अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए इस तरह के अभियान लगातार जारी रहेंगे। पुलिस की इस मुस्तैदी से स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली और सराहना की।

तालाब पर ताज, कानून पर लाज!’—अमिलिया में जिंदा दफ्न हुआ जलस्रोत, बेनकाब हुआ पूरा सिस्टम

विश्वनाथ प्रताप सिंह

बारा तहसील बना मूक दर्शक’—तहसीलदार से SDM तक खामोशी, कब्जेदारों की बल्ले-बल्ले!

प्रयागराज। अमिलिया,प्रयागराज। यह सिर्फ खबर नहीं—यह जमीनी हकीकत का वह आईना है जिसमें पूरा सिस्टम बेनकाब खड़ा है। यमुनानगर क्षेत्र के बारा तहसील अंतर्गत अमिलिया तरहार गांव में सरकारी तालाब अब इतिहास बन चुका है। जहां कभी पानी की लहरें थीं, वहां आज मिट्टी, मलबा और पक्के निर्माण खड़े हैं—और यह सब प्रशासन की खुली आंखों के सामने हुआ।

तालाब जिंदा था… उसे मार दिया गया!’—कागजों में जल, जमीन पर जंगलराज

राजस्व रिकॉर्ड चीख-चीखकर बता रहे हैं कि आराजी संख्या 299 और 307 आज भी पोखरी तालाब हैं। लेकिन मौके पर हकीकत ऐसी है कि तालाब को पूरी तरह पाटकर उस पर कब्जा कर लिया गया है। यह कोई साधारण अतिक्रमण नहीं—यह जलस्रोत की सुनियोजित हत्या है।

मीडिया ने मचाया शोर, सिस्टम रहा ठंडा’—हफ्तों से उठ रही आवाज, असर शून्य

सोशल मीडिया, अखबार, स्थानीय पत्रकार—हर प्लेटफॉर्म से इस मुद्दे को लगातार उठाया गया। अधिकारियों को बार-बार चेताया गया, खबरें छपीं, तस्वीरें सामने आईं लेकिन नतीजा वही ढाक के तीन पात। अब गांव में एक ही बात गूंज रही है—“दाल में काला नहीं, पूरी दाल ही जल चुकी है!

धारा 67 दम तोड़ चुकी?’—आदेश जारी, कब्जा बरकरार

2020-21 में धारा 67 के तहत बेदखली और क्षतिपूर्ति के आदेश पास हुए। यानी कानून ने अपनी भूमिका निभाई—लेकिन उसे लागू करने वालों ने हथियार डाल दिए।

आदेश फाइलों में कैद हैं, और जमीन पर कब्जेदार आज भी राज कर रहे हैं।

कोर्ट भी बेबस न्यायिक निर्देशों की खुली अवहेलना न्यायालय ने साफ कहा—कार्रवाई करो। लेकिन बारा तहसील का सिस्टम मानो सुनने को तैयार ही नहीं। यह सवाल अब जोर पकड़ रहा है—क्या कुछ अधिकारी खुद को कोर्ट से भी ऊपर मान बैठे हैं?

‘पूरा महकमा कटघरे में’—तहसीलदार, नायब, कानूनगो, लेखपाल सब पर सवाल

इस पूरे प्रकरण में: तहसीलदार,

नायब तहसीलदार,कानूनगो

संबंधित लेखपाल, और उपजिलाधिकारी (SDM) सभी की भूमिका सवालों के घेरे में है। आखिर किसकी जिम्मेदारी थी? किसने आंखें मूंदी? और किसके इशारे पर यह सब होने दिया गया?

तालाब नहीं, पूरा तंत्र पाटा गया!’—जिंदा हकीकत से इनकार नहीं

यह कहना गलत नहीं होगा कि अमिलिया में सिर्फ तालाब नहीं पाटा गया—बल्कि कानून, पर्यावरण और प्रशासनिक जवाबदेही—तीनों को एक साथ दफ्न कर दिया गया है। पूरा तालाब “बक्सा” कर बंद कर दिया गया, और जिम्मेदार अफसर मूकदर्शक बने रहे।

इतना नमक कि निगलना मुश्किल’—गांव में उबल रहा गुस्सा

ग्रामीणों का कहना है—अगर दाल में नमक ज्यादा हो जाए तो वह निगली नहीं जाती, और यहां तो हालात ऐसे हैं कि पूरी व्यवस्था ही बेस्वाद हो चुकी है। भरोसा टूट चुका है।

अब जिलाधिकारी ही आखिरी उम्मीद’—जिलाधिकारी से सीधे हस्तक्षेप की मांग

सूत्र साफ संकेत दे रहे हैं कि बारा तहसील स्तर पर यह मामला सुलझाने की क्षमता या इच्छाशक्ति दोनों खत्म हो चुकी हैं। अब ग्रामीणों की नजरें सीधे जिलाधिकारी प्रयागराज पर टिक गई हैं। मांग है कि: पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच हो। जिम्मेदार अधिकारियों से जवाब तलब किया जाए और तत्काल प्रभाव से कब्जा हटाया जाए

सीएम का फरमान बनाम जमीनी सच्चाई बड़ा विरोधाभास

उत्तर प्रदेश सीएम योगी आदित्यनाथ का साफ संदेश है—भू-माफिया किसी कीमत पर बख्शे नहीं जाएंगे। लेकिन अमिलिया में पूरा तालाब ही बक्सा कर कब्जा लिया गया, और प्रशासन चुप है। यह जमीनी हकीकत सरकार के दावों पर भी सवाल खड़ा कर रही है।

आज तालाब गया, कल पानी जाएगा’—भविष्य खतरे में

यह सिर्फ जमीन नहीं यह आने वाली पीढ़ियों का पानी है। अगर आज भी नहीं चेते तो कल प्यास ही विरासत बनेगी।

आखिरी सवाल, सबसे बड़ा सवाल—कानून जिंदा है या मर चुका है।

अमिलिया अब सिर्फ एक गांव नहीं यह सिस्टम की साख का रणक्षेत्र बन चुका है। अब देखना है—कानून की जीत होती है या दबंगई फिर एक बार ताज पहन लेती है।

जनपद में धूमधाम व हर्षोउल्लास से मनाई गई भारत रत्न डॉ0 भीमराव अम्बेडकर की जयंती

*विकास भवन में धूमधाम से मनाई गई डॉ0भीमराव अम्बेडकर की जयंती*


रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भारत रत्न" बाबा साहब डॉ भीमराव अम्बेडकर की जयन्ती जनपद में बड़े धूमधाम व हर्षोउल्लास से मनाई गई। कलेक्ट्रेट में जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने डॉ भीमराव अम्बेडकर के चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित कर जनपद वासियों को बधाई व शुभकामना दिया। इस अवसर पर अपर जिलाधिकरी कुंवर वीरेंद्र मौर्य, अपर जिलाधिकारी न्यायिक विजय नारायण सिंह व कलेक्ट्रेट स्टाफ उपस्थित रहे।
          
कलेक्ट्रेट में आयोजित "डॉ भीमराव अम्बेडकर, व्यक्तित्व व कृतित्व कार्यक्रम" में जिलाधिकारी ने कहा कि हमारा संविधान विश्व के सबसे बड़े लोकतंत्र की आत्मा है। उन्होंने कहा कि बाबा साहब ने बतौर संविधान समिति के अध्यक्ष संविधान बनाते समय समाज के हर वर्ग, हर तबके का ध्यान रखा। भारतीय संविधान में भारत के नगारिक को समान अधिकार मिले, इसके लिए कई देशों के संविधान को भी अपने देश के सविधान में लिया गया, जिसका परिणाम है कि विभिन्न जातियों, सम्प्रदायों, भाषाओं आदि की विविधता के बावजूद हमारा देश एक सूत्र में बंधा हुआ है।
         
अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व कुंवर वीरेंद्र मौर्य ने कहा कि हम विविधताओं, विषमताओं, असमानताओं के बावजूद, इतने वर्षाे से साथ बने हुए है तो इसका बहुत बड़ा कारण हमारा संविधान ही है। बाबा साहब के संविधान ने भारत को वह ऊॅचाईयां दी है जिसके कारण आज भारत पूरे विश्व में एक अलग और मजबूत राष्ट्र के रूप में नजर आता है, भारत रत्न डॉ भीमराव अंबेडकर जी की जयंती पर जनपद के समस्त कार्यालयों ,तहसील, विकास खंडों, संस्थाओं, प्रतिष्ठानों, ग्रामीण क्षेत्रों में धूमधाम से कार्यक्रम आयोजित करते हुए उनके विचारों, सिद्धांतों, शिक्षाओं, पर बल दिया गया।
        
अपर जिलाधिकारी न्यायिक विजय नारायण सिंह अधिकारियों-कर्मियों से कहा कि वे सब संवैधानिक दायरे में रहकर अपने पदीय दायित्वों का निर्वहन करें, यही बाबा साहब के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। उन्होंने कहा कि हम जहां भी ,जिस भी पटल पर है वहां स्वयं को रखकर सोचें और हर जरूरतमंद की मदद करें तो निश्चित ही समाज की दशा और दिशा बदल जाएगी।

इसी क्रम में भारत रत्न बाबा साहब भीम राव अम्बेडकर की जयन्ती विकास भवन सभागार में बड़े धूमधाम से मनाई गई। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी बाल गोविंद शुक्ला विकास भवन के अन्य अधिकारियों, कर्मचारियों ने बाबा साहब भीम राव अम्बेडकर के चित्र पर माल्यार्पण श्रद्धासुमन अर्पित किया।

मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि भारत रत्न डा0 भीम राव अम्बेडकर का योगदान बहुत है, कमजोर वर्ग को आगे बढ़ाने के लिए उन्होंने जो संवैधानिक व्यवस्था बनाई वह अपने आप में विशिष्ट है उनके द्वारा निर्मित संविधान को यदि गंभीरता से समझना है तो भारतीय संविधान के लागू होने से पहले की व्यवस्थाओं को समझना होगा।
15 दिन के अभियान का 14 वां दिन खत्म, सिर्फ दुकानदारों को मिली चेतावनी


*अभियान के पहले दिन कुछ क्षेत्रों से हटाया गया था अतिक्रमण, फिर से सजने लगी है पटरी पर दुकानें*


रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। शहरी क्षेत्रों में सड़कों की पटरियों को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए चल रहे 15 दिनी अभियान का 14 वां दिन खत्म हो गया। फिर भी पटरियों पर अतिक्रमण जस का तस है। यातायात और पुलिस की संयुक्त टीम ने 10 दिन पहले सड़कों की पटरियों से सामान हटाने के लिए दुकानदारों को चेतावनी दी थी। फिर भी दुकानदारों को कोई फर्क नहीं पड़ा। अतिक्रमण के कारण बाजार में जाम लगता है। इससे राहगीरों को परेशानी होती है। गोपीगंज नगर में रोजाना जाम लगता है। यातायात विभाग ने अतिक्रमण हटाने के लिए एक से 15 अप्रैल तक अभियान चलाने का निर्णय लिया था। अभियान के पहले दिन गोपीगंज ज्ञानपुर मोड़, मिर्जापुर तिराहा, काली देवी रोड़, स्टेशन रोड़, खड़हट्टी मोहाल, पुलिस चौकी, पालिका चेंबर के पास अतिक्रमण हटवाया गया था।

पुलिस चौकी और नगर पालिक कार्यालय के पास जो दुकानें स्थायी रूप से सड़क के किनारे लगती थी, उसे हटा दिया गया है। कभी कभार अस्थायी ठेला, खोमचा वाले आ जाते हैं। ऐसे दुकानदारों पर भी अब कार्रवाई की जाएगी। - राकेश कुमार सिंह, यातायात प्रभारी भदोही।

बड़े स्तर पर पुलिस बल के साथ अभियान चलाया जाएगा। इसके लिए उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा गया है। अभियान की अभी तिथि निश्चित नहीं है।
- राम बचन यादव, ईओ गोपीगंज।
आवास विकास में कूड़े के ढेर में मिला नवजात का शव

फर्रुखाबाद। जनपद में एक बार फिर दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। थाना कादरी गेट क्षेत्र के आवास विकास इलाके में सोमवार को कूड़े के ढेर में नवजात शिशु का शव मिलने से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, कूड़ा उठाने पहुंचे एक सफाई कर्मचारी को कूड़े में पड़ा एक संदिग्ध डिब्बा दिखाई दिया। शक होने पर जब उसने डिब्बा खोला तो उसमें एक नवजात शिशु का शव रखा मिला। यह दृश्य देखकर वह स्तब्ध रह गया और तत्काल पुलिस को सूचना दी।

सूचना मिलते ही कादरी गेट थाना प्रभारी कपिल चौधरी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी। कुछ ही देर में स्वास्थ्य विभाग के एसीएमओ रंजन गौतम भी मौके पर पहुंचे और मामले की जानकारी ली।

प्रारंभिक जांच में यह आशंका जताई जा रही है कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने नवजात के शव को डिब्बे में बंद कर यहां फेंका है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। आसपास के अस्पतालों और क्षेत्रों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं, ताकि घटना से जुड़े व्यक्ति की पहचान की जा सके।

एसीएमओ रंजन गौतम ने बताया कि दोषी की पहचान होने पर उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। वहीं, इस घटना ने एक बार फिर समाज को झकझोर कर रख दिया है और ऐसे मामलों को लेकर प्रशासन की कार्यशैली पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। फिलहाल पुलिस और प्रशासन की टीमें मामले की गहन जांच में जुटी हुई हैं। इससे पहले भी आवास विकास में कई नवजात के शव मिल चुके है। जिससे पुलिस की शक की सुई निजी नर्सिंग होम की तरफ घूम गई है।