एमपी-एमएलए कोर्ट ने विदेश राज्यमंत्री का निगरानी वाद किया खारिज,लगातार अनुपस्थित रहने के कारण खारिज हुआ वाद
*11 अगस्त को दिया था मुकदमे का आदेश

गोंडा।अपर सत्र न्यायाधीश एमपी-एमएलए कोर्ट राजेश कुमार तृतीय की अदालत ने विदेश राज्यमंत्री कीर्तिवर्धन सिंह उर्फ़ राजा भैया के निगरानी वाद और स्थगन प्रार्थना पत्र को खारिज कर दिया है।यह फैसला निगरानीकर्ता की लगातार अनुपस्थिति के कारण लिया गया है।न्यायालय द्वारा बार बार उपस्थित होने के कहा जा रहा था परन्तु वह उपस्थित नहीं हो रहे थे।

अदालत ने अपने आदेश में कहा कि निगरानीकर्ता लगातार अनुपस्थित चल रहे थे जबकि विपक्षी अजय सिंह लगातार कोर्ट में उपस्थित हो रहे थे।बार बार पुकारने के बावजूद निगरानीकर्ता की तरफ से कोई उपस्थित नहीं हुआ।विपक्षी के अधिवक्ता ने इस पर कड़ी आपत्ति जताते हुए कहा कि निगरानीकर्ता विभिन्न तारीखों से बार बार स्थगन प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर रहे हैं और सुनवाई नहीं चाहते।

दरअसल बीते 12 अगस्त को एमपी एमएलए कोर्ट ने मनकापुर भिटौरा निवासी अजय सिंह के प्रार्थना पत्र पर सुनवाई करते हुए मनकापुर कोतवाली को निर्देश दिया था कि विदेश राज्यमंत्री कीर्तिवर्धन सिंह उर्फ़ राजा भैया,उनके निजी सचिव राजेश सिंह, पिंकू,सहदेव यादव और क्रांति सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाए।इस आदेश को चुनौती देते हुए विदेश राज्यमंत्री ने ऊपरी अदालत में यह निगरानी वाद दायर किया था।

अजय सिंह ने आरोप लगाया था कि विदेश राज्यमंत्री ने अपने निजी सचिव राजेश सिंह, पिंकू,सहदेव यादव और क्रांति के साथ मिलकर एक महिला की जमीन को धोखाधड़ी से किसी और को बेंच दिया।अजय सिंह के अनुसार जब उनकी पत्नी मनीषा ने इस जालसाजी की शिकायत किया तो आरोपियों ने उन्हें सुलह करने की धमकी दिया और जब वे नहीं माने तो आरोपियों ने अपने निजी सचिव के माध्यम से उनके ऊपर झूठा मुकदमा दर्ज करवा दिया है।वहीं कोर्ट द्वारा निगरानी वाद खारिज किए जाने पर विदेश राज्यमंत्री कीर्तिवर्धन सिंह उर्फ़ राजा भैया के विपक्षी अजय सिंह ने कहा कि 2012 में हमने मनकापुर गांव में जमीन लिखवाया था और उसी जमीन को हड़पने के लिए विदेश राज्यमंत्री कीर्तिवर्धन सिंह उर्फ़ राजा भैया, उनके प्रतिनिधि राजेश सिंह,सहदेव, पिंकू और क्रांति ने योजनाबद्ध तरीके से मेरी जमीन को हड़प लेना चाहते हैं।इसी पर हमने शिकायत किया था तो एमपी एमएलए कोर्ट ने 11 अगस्त को इन सभी लोगों के ऊपर भारतीय न्याय संहिता की धारा 173(4) के तहत मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया था और इस मुकदमे को रोकने के लिए इन लोगों ने जनपद न्यायाधीश के यहां निगरानी वाद दायर किया था,जिसे जिला जज के यहां से एमपी एमएलए कोर्ट राजेश कुमार तृतीय के यहां भेज दिया गया तथा इसी अदालत पर लगातार सुनवाई चल रही थी परन्तु यह लोग निरंतर मौका दरख्वास्त देकर भाग रहे थे।आज इस निगरानी वाद को एमपी एमएलए कोर्ट के न्यायाधीश राजेश कुमार तृतीय ने खारिज कर दिया है।हम चाहते हैं कि न्यायालय ने जो आदेश दिया था वह मुकदमा दर्ज किया जाए और पुलिस इस पूरे मामले की निष्पक्षता से जांच करे।
जहानाबाद: जरूरतमंदों के बीच डेढ़ महीने से कंबल वितरण, बेटे-बहू की प्रेरणा से दंपती कर रहे सेवा कार्य
जहानाबाद जिले के चैनपुरा गांव में इन दिनों मानवता की एक मिसाल देखने को मिल रही है। जिले के ही रहने वाले विनोद प्रताप सिंह और उनकी पत्नी अहिल्या देवी पिछले करीब डेढ़ महीने से असहाय, जरूरतमंद, दिव्यांग और विधवा वर्ग के लोगों के बीच लगातार कंबल वितरण कर रहे हैं। बढ़ती ठंड को देखते हुए उनका यह प्रयास जरूरतमंदों के लिए बड़ी राहत साबित हो रहा है।दंपती ने बताया कि वे यह सेवा कार्य अपने बेटे और बहू की प्रेरणा से कर रहे हैं। उनके पुत्र डॉ. अमित कुमार और बहू हिमानी शर्मा अमेरिका में डॉक्टर के पद पर कार्यरत हैं। दोनों ने अपने माता-पिता को हर साल जरूरतमंदों की मदद करने के लिए प्रेरित किया है। विनोद प्रताप सिंह ने कहा कि उनके बेटे ने जो सफलता हासिल की है, उसमें उनके गांव, परिवार और जहानाबाद की शिक्षा का अहम योगदान है। उन्होंने कहा, “हम अपनी जन्मभूमि और पैतृक स्थल को नहीं भूल सकते। इसलिए हमने संकल्प लिया है कि गांव और आसपास के जरूरतमंद लोगों की हर संभव मदद करेंगे।”उन्होंने बताया कि उनके बेटे की इच्छा है कि यह सेवा कार्य हर साल और अधिक जगहों तक पहुंचे। वहीं बहू हिमानी शर्मा ने विशेष रूप से महिलाओं तक सहायता पहुंचाने पर जोर दिया है, ताकि ठंड के मौसम में किसी को परेशानी न हो। इसी को ध्यान में रखते हुए दंपती गांव-गांव जाकर जरूरतमंद लोगों की सूची तैयार करते हैं और उन्हें कंबल उपलब्ध कराते हैं।अहिल्या देवी ने कहा, “मौसम ने फिर करवट ली है और ठंड बढ़ गई है। ऐसे में जरूरतमंदों तक कंबल पहुंचाकर हमें बहुत सुकून मिलता है। गांव के लोग ही हमारा परिवार हैं, उनकी मदद करके खुशी मिलती है।”
विनोद प्रताप सिंह ने भी स्पष्ट किया कि वे यह काम नाम या शोहरत के लिए नहीं, बल्कि लोगों का आशीर्वाद पाने के लिए करते हैं। उन्होंने कहा, “अगर कंबल देने से किसी को ठंड से राहत मिलती है, तो हम हर साल यह प्रयास जारी रखेंगे।”इस सेवा कार्य की इलाके में काफी सराहना हो रही है। स्थानीय लोग इसे एक प्रेरणादायक पहल मानते हुए समाज के अन्य सक्षम लोगों से भी आगे आने की अपील कर रहे हैं।
आजमगढ़ : सिटी नर्सिंग होम शाहगंज में एक आँख वाले शिशु का हुआ जन्म,डॉक्टरों ने बताया साइक्लोपिया सिंड्रोम से ग्रसित था शिशु


 
  सिद्धेश्वर पाण्डेय
    व्यूरो चीफ
आजमगढ़ । शाहगंज के सिटी नर्सिंग होम में 25 वर्षीय महिला ने एक ऐसे अद्भुत शिशु को जन्म दिया है । जिसे लोग एक तरफ धार्मिक दृष्टि कोण से देख रहे हैं ,तो वही कुछ लोग इसे बीमारी बता रहे हैं । जो एक अत्यंत दुर्लभ जन्म जात बीमारी साइक्लोपिया सिंड्रोम से ग्रसित है ।

यह डिलवरी शाहगंज के सिटी नर्सिंग होम अस्पताल में भर्ती किये जाने के बाद डॉ सैय्यद हुमेरा बानो वरिष्ठ स्त्री रोग विशेषज्ञ के द्वारा नार्मल डिलेवरी कराया गया । अस्पताल के प्रबंधक डॉ तारिक शेख ने बताया कि साइक्लोपिया सिंड्रोम एक अत्यंत दुर्लभ जन्मजात विकृति वीमारी है । जिसमे भ्रूण के मस्तिष्क और चेहरे का विकास का सामान्य रूप से नही हो पाता हैं । जिससे आँखे पूरी तरह से अलग अलग विकसित नही हो पाती हैं और चेहरे की संरचना असमान्य होती है । यह विकार आमतौर पर गर्भावस्था के शुरुआती चरण में होने वाले विकास सम्बन्धी कारणों से होता है ।
डॉ तारिक शेख ने बताया यह बीमारी कम मामलो में देखने को मिलती है । आधुनिक चिकित्सा विज्ञान में इसके उपचार की सम्भावनाए सिमित होती है । इस तरह के मामलों में सावधानी के तौर पर गर्भावस्था के दौरान नियमित जांच ,अल्ट्रासाउंड और समय पर परामर्श आवश्यक होता है । इससे असामान्यता की पहचान पहले से की जा सकती है । इसे चिकित्सा जगत में एक दुर्लभ उदाहरण के रूप में देखा जा रहा है ।
उत्तर प्रदेश का गौरव बने प्रयागराज के डॉ.दीपक त्रिपाठी

पैरा डार्ट्स नेशनल चैम्पियनशिप 2026 में चयन

संजय द्विवेदी प्रयागराज।दिव्यांगजन सशक्तिकरण और खेल प्रतिभा के क्षेत्र में उत्तर प्रदेश के लिए यह अत्यन्त गौरव का क्षण है कि प्रयागराज स्थित नेहरू ग्राम भारती मानित विश्वविद्यालय जमुनीपुर के विशेष शिक्षा संकाय में कार्यरत सहायक आचार्य डॉ.दीपक कुमार त्रिपाठी का चयन पैरा डार्ट्स नेशनल चैम्पियनशिप 2026 के लिए हुआ है।इस राष्ट्रीय स्तर की प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में वे उत्तर प्रदेश का प्रतिनिधित्व करेगे।यह प्रतिष्ठित प्रतियोगिता 31 जनवरी एवं एक फरवरी 2026 को कानपुर, उत्तर प्रदेश में आयोजित की जाएगी जिसमें देशभर से लगभग 120 से अधिक दिव्यांग खिलाड़ी प्रतिभाग करेंगे।यह आयोजन न केवल प्रतिस्पर्धा का मंच है बल्कि दिव्यांग खिलाड़ियो की आत्मनिर्भरता आत्मविश्वास और सामर्थ्य को राष्ट्रीय पटल पर सशक्त रूप से स्थापित करने का अवसर भी है।इंडियन डिसएबिलिटी डार्ट्स एसोसिएशन के महासचिव महेन्द्र सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि डॉ.दीपक कुमार त्रिपाठी का चयन उनकी निरन्तर साधना अनुशासन और उत्कृष्ट प्रदर्शन का परिणाम है।उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि डॉ.त्रिपाठी अपने कौशल संकल्प और प्रतिबद्धता से प्रदेश का नाम राष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित करेगे।शैक्षिक क्षेत्र में अपनी सक्रिय भूमिका के साथ-साथ खेल जगत में यह उपलब्धि डॉ.त्रिपाठी की बहुआयामी प्रतिभा को रेखांकित करती है।उनका चयन विश्वविद्यालय परिवार प्रयागराज जनपद तथा समूचे उत्तर प्रदेश के लिए प्रेरणा का स्रोत है।यह सफलता उन असंख्य दिव्यांगजनो के लिए आशा और उत्साह का सन्देश है जो कठिन परिस्थितियो के बावजूद अपने सपनो को साकार करने का साहस रखते हैं।विश्वास है कि डॉ.दीपक कुमार त्रिपाठी का यह राष्ट्रीय मंच पर पदार्पण दिव्यांग सशक्तिकरण की नई दिशा तय करेगा और आने वाली पीढ़ियो को आगे बढ़ने की प्रेरणा देगा।

पुलिस मुठभेड़ में पुलिस की गोली लगने से एक बदमाश घायल

विपिन राठौर मीरापुर मुज़फ्फरनगर), मीरापुर। देर रात्रि कुतुबपुर नहर झाल पर पुलिस मुठभेड़ में पुलिस की गोली लगने से एक बदमाश घायल हो गया जबकि उसका भाई गिरफ्तार हो गया। घायल बदमाश पर दर्जनों आपराधिक मुकदमे दर्ज है
गुरुवार की देर रात्रि पुलिस कुतुबपुर नहर झाल पर चैकिंग कर रही थी। उसी दौरान कुतुबपुर की और से एक बाइक पर दो व्यक्ति आते दिखे तो पुलिस ने उन्हें रुकने का इशारा किया तो बाइक सवार भूम्मा चौकी की और फरार होने लगे। पुलिस द्वारा पीछा करने पर बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग कर दी। पुलिस मुठभेड़ में एक बदमाश के पैर में गोली लगने से वह घायल हो गया। पुलिस ने मौके पर ही दोनों बदमाशों को दबोच लिया। पुलिस पूछताछ में घायल बदमाश ने अपना नाम शाहनवाज पुत्र सरफराज निवासी थाना जानसठ गांव तिलौरा हाल पता जनपद मेरठ के कस्बा फलावदा व उसके भाई नोमान ने अपना हाल पता थाना खतौली के मौहल्ला भूड बताया। पुलिस ने बदमाशों से एक बाइक , एक तमंचा,कारतूस,एक चाकू बरामद किया। घायल बदमाश पर थाना मीरापुर, पुरकाजी, कोतवाली, रामराज, जनपद मेरठ के थाना फलावदा में 16 आपराधिक मुकदमे दर्ज है वहीं उसके भाई नोमान पर जनपद मेरठ के थाना फलावदा में 2 आपराधिक मुकदमे दर्ज है। पुलिस ने घायल बदमाश शाहनवाज को रात में ही जिला अस्पताल में भर्ती करा दिया था। पुलिस का कहना है कि घायल बदमाश शाहनवाज थाने का हिस्ट्रीशीटर भी है।
हजारीबाग की आर्या किशोर ने रचा इतिहास, एडिडास जर्सी कैंपेन में हार्दिक पांड्या सहित स्टार क्रिकेटरों के साथ आईं नज़र

झारखंड के साथ हजारीबाग के लिए आज गर्व का विषय है कि यहीं की धरती में जन्मी और पली-बढ़ी आर्या किशोर आज झारखंड की उन उभरती प्रतिभाओं में शामिल हैं, जो राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना रही हैं। आज आर्या भारत की उन कुछ चुनिंदा मॉडल में शामिल हो गई जो भारतीय क्रिकेट जगत के चर्चित खिलाड़ी हार्दिक पांड्या, तिलक वर्मा और अभिषेक शर्मा के साथ "एडिडास जर्सी कैंपेन" में अन्य मॉडलों और कलाकारों के साथ प्रमुख रूप से नज़र आईं। यह कैंपेन देशभर के एडिडास स्टोर्स के साथ-साथ कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट पर भी प्रदर्शित किया गया, जिससे आर्या को राष्ट्रीय स्तर पर व्यापक पहचान मिली।

उनकी प्रतिभा को कम उम्र में ही स्थानीय संस्था तरंग ग्रुप ने पहचाना था जिसके बाद संस्था के द्वारा आयोजित ‘मिस लिटिल स्टार हजारीबाग’ 2015 और ‘मिस टीन झारखंड’ 2019 का खिताब जीतकर आर्या ने प्रदर्शन कला और मॉडलिंग की दुनिया में आत्मविश्वास के साथ कदम रखा। आर्या एक शिक्षित और सहयोगी पारिवारिक पृष्ठभूमि से आती हैं। उनकी माता दीपाली प्रसाद, डीएवी हजारीबाग की शिक्षिका है जबकि पिता झारखंड राज्य सहकारी बैंक में मैनेजर के पद पर कार्यरत हैं। परिवार के निरंतर सहयोग से आर्या अपने सपनों को साकार करने की दिशा में आगे बढ़ रही हैं। एक युवा कलाकारा और महत्वाकांक्षी अभिनेत्री के रूप में आर्या वर्तमान में दिल्ली में रहकर अपने अभिनय,मॉडलिंग के साथ पत्रकारिता के करियर को आगे बढ़ा रही हैं। आर्या ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा डीएवी पब्लिक स्कूल, हजारीबाग से पूरी की। वर्तमान में वह कॉलेज की पढ़ाई के साथ-साथ रचनात्मक क्षेत्र में विभिन्न पेशेवर असाइनमेंट भी संभाल रही हैं। इसके पूर्व भी आर्या ने रिलायंस, लैक्मे एवं अन्य कई कंपनियों के लिए भी बतौर मॉडल कार्य कर चुकी है। बचपन से ही मंच से जुड़ी आर्या ने एंकरिंग, नृत्य और रैंप वॉक जैसे क्षेत्रों में सक्रिय भागीदारी की, जिसने आगे चलकर उन्हें अभिनय की ओर प्रेरित किया। एक उभरती हुई कलाकार के रूप में आर्या किशोर लगातार प्रशिक्षण, सीख और मेहनत के साथ अपने अभिनय सफर को मजबूती दे रही हैं और आने वाले समय में बड़े मंच पर खुद को स्थापित करने की दिशा में कदम बढ़ा रही हैं। आर्या ने अपनी इस सफलता का श्रेय अपने माता पिता बहन अदिति, डी ए वी के पूर्व प्राचार्य अशोक कुमार के साथ तरंग ग्रुप के निर्देशक अमित कुमार गुप्ता को दिया जिनके लगातार मार्गदर्शन से वो इस क्षेत्र में बेहतर कर रही है।

समाजसेवी संजय मिश्रा के जन्मदिन पर दिखा सेवा और सम्मान का भव्य संगम
मुंबई। प्रतापगढ़ जनपद के पट्टी विधानसभा क्षेत्र (249) में समाजसेवा के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बना चुके प्रसिद्ध समाजसेवी एवं उद्योगपति संजय मिश्रा का जन्मदिन मंगलवार को मुंबई के पाँच सितारा होटल में अत्यंत भव्य, आत्मीय और गरिमामय वातावरण में मनाया गया। यह अवसर केवल जन्मदिन का उत्सव नहीं रहा, बल्कि समाजसेवा, मानवीय संवेदना और सामाजिक दायित्व के प्रति प्रतिबद्धता का प्रतीक बन गया।
समाज के अंतिम व्यक्ति तक सहायता पहुँचाने, जरूरतमंद बेटियों के विवाह में सहयोग करने और संकट में खड़े लोगों के लिए सदैव आगे रहने वाले संजय मिश्रा के जन्मदिन पर देश-प्रदेश की अनेक नामचीन हस्तियाँ विशेष रूप से मुंबई पहुँचीं। कार्यक्रम स्थल पर हर ओर स्नेह, अपनत्व और सम्मान का भाव देखने को मिला। इस अवसर पर मनोज तिवारी ने संजय मिश्रा को जन्मदिन की शुभकामनाएँ देते हुए उनके सेवा कार्यों की सराहना की और कहा कि वे बिना किसी प्रचार के लगातार समाज के लिए कार्य करते हैं। ऐसे लोग समाज की असली ताकत होते हैं। वहीं आचार्य पवन त्रिपाठी ने कहा कि संजय मिश्रा का जीवन सेवा, संस्कार और समर्पण का सुंदर उदाहरण है। उन्होंने उद्योग और समाजसेवा के बीच संतुलन बनाते हुए समाज के हर वर्ग के लिए कार्य किया है, जो युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है। कार्यक्रम में प्रमुख रूप से मनोज तिवारी, अभिरामाचार्य जी महाराज, कृपाशंकर सिंह, आचार्य पवन त्रिपाठी, अखिलेश चौबे, आनंद दूबे, कमलाशंकर मिश्रा, अशोक कुमार सुमन, मुकेश पाण्डेय, संजय सिंह, प्रभाकर शुक्ला, मनोज दूबे, अनिल सावंत, अरुण मिश्रा, अविनाश त्रिपाठी, अवधेश मिश्रा, अतुल पाण्डेय, आनंद पाण्डेय, विपुल जिलानी, प्रकाश बोरा, सतीश कर्मावत, मोहम्मद आरिफ भाई, राजेश मिश्रा, अविनाश पाण्डेय, आशीष त्रिपाठी, राजेश पाण्डेय, आशीष दूबे, मिथिलेश मिश्रा, सुरेश मिश्रा, धनंजय मिश्रा, कैलाश मिश्रा, संतोष मिश्रा, दीपक सुहाना उर्फ छोटका खेसारी, दीपक त्रिपाठी, रजनीश सिंह रिशु, सुरेंद्र पाण्डेय लल्लन पांडे, रमेश मिश्रा, राजकुमार मिश्रा, संजय शुक्ला बिरौती, संजय सिंह, जितेंद्र सिंह जीतू, रोहित पाण्डेय, प्रिंस पाण्डेय सहित बड़ी संख्या में शुभेच्छु, रिश्तेदार और इष्ट-मित्र उपस्थित रहे। अंत में संजय मिश्रा ने सभी आगंतुकों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आप सभी का स्नेह और आशीर्वाद ही उनकी सबसे बड़ी शक्ति है और वे आगे भी पूरी निष्ठा के साथ समाजसेवा के कार्यों में लगे रहेंगे।
पीटी उषा के पति वी श्रीनिवास का निधन, घर में इस हालत में मिला शव

#ptushashusbandvsrinivasanpasses_away

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भारतीय ओलंपिक संघ की अध्यक्ष और राज्यसभा सदस्य पी टी उषा के पति वी श्रीनिवासन का शुक्रवार तड़के निधन हो गया। पारिवारिक सूत्रों के मुताबिक, उनका देहांत केरल के कोझिकोड स्थित आवास पर हुआ। वे 67 वर्ष के थे।

श्रीनिवासन अपने घर थिक्कोडी पेरुमलपुरम में लगभग 1:00 बजे गिर पड़े थे। उन्हें तुरंत पास के एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। यह घटना तब हुई जब पीटी उषा एक संसदीय सत्र से लौट रही थीं और घर पर मौजूद नहीं थीं।

किरेन रिजिजू का ट्वीट

किरेन रिजिजू ने ट्वीट करते हुए लिखा कि राज्यसभा सांसद और इंडियन ओलंपिक एसोसिएशन की प्रेसिडेंट पी टी उषा जी के पति श्री वी. श्रीनिवासन जी के निधन के बारे में जानकर बहुत दुख हुआ। उषा जी और शोक संतप्त परिवार के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं। इस मुश्किल समय में उन्हें शक्ति मिले, इसके लिए प्रार्थना।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जताया शोक

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पीटी उषा से फोन पर बात कर उनके पति के निधन पर गहरी संवेदना व्यक्त की। प्रधानमंत्री ने इस कठिन समय में परिवार के प्रति अपनी सहानुभूति और समर्थन भी जताया।

कौन थे वी. श्रीनिवासन?

वी. श्रीनिवासन का जन्म कुट्टिक्काड पोन्नानी के वेंगाली थारवाद में नारायणन और सरोजिनी के घर हुआ था। वे सेंट्रल इंडस्ट्रियल सिक्योरिटी फोर्स (CISF) में उप अधीक्षक के पद से सेवानिवृत्त हुए थे। उन्होंने 1991 में पीटी उषा से शादी की थी, जो उनकी दूर की रिश्तेदार भी थीं।

उषा के जीवन और करियर में निभाई अहम भूमिका

केंद्र सरकार के पूर्व कर्मचारी श्रीनिवासन उषा के शानदार खेल करियर और राजनीतिक करियर के दौरान हमेशा उनके साथ रहे। उन्हें उषा का मजबूत संबल और उनकी कई पेशेवर उपलब्धियों के पीछे प्रेरक शक्ति माना जाता था। इस दंपति का एक बेटा है जिसका नाम उज्ज्वल है।

एनओसी के फेर में फंसा अस्पताल का फायर हाइड्रेंट सिस्टम


*आग से बचाव के लिए जिला अस्पताल ज्ञानपुर में लगा है उपकरण,1.20 करोड़ का है प्रोजेक्ट*


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। महाराजा चेतसिंह जिला चिकित्सालय में दो साल पहले शुरू हुआ फायर हाइड्रेंड सिस्टम का काम अब 98 फीसदी पूरा हो चुका है। अग्निशमन विभाग से एनओसी नहीं मिलने के कारण फायर हाइड्रेंड सिस्टम का संचालन शुरू नहीं हो सका है। यह 1.20 करोड़ रुपये का प्रोजेक्ट है। अस्पताल परिसर में धुंआ उठते ही सेंसर आवाज करने लगेगा, इससे समय रहते आग पर काबू पाया जाएगा। इसके लिए स्वास्थ्यकर्मी को प्रशिक्षित किया जाएगा। देश के कई अस्पतालों में अगलगी की घटनाओं में मरीजों की मौत हो चुकी है। शासन के निर्देश पर अस्पतालों में बचाव के लिए पहल की जा रही है। जिला अस्पताल में लगने वाले फायर हाइड्रेंड सिस्टम से जिला अस्पताल के हर बिल्डिंग को जोड़ा गया है। ओपीडी भवन, इमरजेंसी, ब्लड बैंक, एनआरसी, लेबर कक्ष, ऑपरेशन थियेटर, लैब, एक्स-रे कक्ष आदि स्थानों कहीं भी धुआं उठते ही सेंसर आवाज करने लगेगा। सायरन बजते ही स्वास्थ्य कर्मी अलर्ट मोड़ में होगे। फायर सिस्टम चालू करने पर पाइप के माध्यम से पानी के फुहारे आग की लपटों पर गिरेगी। इससे आग पर तुंरत काबू पाया जाएगा। अस्पताल में रोजाना एक हजार की ओपीडी होती है। वहीं, तीन से चार हजार मरीजों की भीड़ रहती है। जनवरी 2024 में फायर हाइड्रेंट सिस्टम कार्य शुरू हुआ था। जून 2025 हैंडओवर की अंतिम डेड लाइन थी। शासन से बजट समय से नहीं मिलने के कारण स्वास्थ्य विभाग के उच्चाधिकारियों ने हैंडओवर की अंतिम तिथि 31 दिसंबर 2025 कर दिया। इस डेडलाइन से पहले ही फायर सिस्टम बनकर तैयार हो गया। अग्निशमन विभाग के अधिकारियों ने जिला अस्पताल का निरीक्षण भी कर लिया हैं, लेकिन अभी तक एनओसी नहीं मिली। इससे कार्यदायी संस्था ने प्रोजेक्ट को हैंडओवर नहीं किया।


छह स्वास्थ्यकर्मी होंगे प्रशिक्षित
फायर हाईड्रेंड सिस्टम को संचालित करने के लिए अग्निशमन विभाग की ओर से जिला अस्पताल के छह चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों को प्रशिक्षित किया जाएगा। आगजनी की घटना के बाद कैसे आग पर काबू पाया जाएगा। कर्मचारियों को अस्पताल में ट्रेंनिग दी जाएगी। इस दौरान पूरे सिस्टम को ऑन करके दिखाया जाएगा। आग कैसे बुझानी है, इसके बारे में बताया जाएगा। एक लाख लीटर पानी हमेशा संरक्षित रहेगा। इसके लिए टंकी का निर्माण कराया गया है।


सीएफओ ने फायर हाइड्रेंट सिस्टम के लिए अस्पताल का निरीक्षण किया है। अग्निशमन से एनओसी जारी होते ही हैंडओवर लिया जाएगा। आगजनी की घटना में यह प्रभावशाली होगा। - डॉ. अजय तिवारी सीएमएस जिला अस्पताल
मुठभेड़ के बाद 20 हजार का इनामी बदमाश विकास उर्फ अटरिया गिरफ्तार ।

ब्रह्म प्रकाश शर्मा

मुजफ्फरपुर/जानसठ, । जनपद में अपराध और अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे जीरो टॉलरेंस अभियान के तहत जानसठ पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। गुरुवार को पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में ₹20,000 का इनामी और शातिर अपराधी विकास उर्फ अटरिया पुलिस की गोली लगने से घायल हो गया, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। पकड़े गए अभियुक्त के पास से अवैध हथियार और नकदी बरामद हुई है।
मुखबिर की सूचना पर घेराबंदी, गढ़ी-नया गांव मार्ग पर हुई मुठभेड़ ।

पुलिस प्रशासन से मिली जानकारी के अनुसार, थाना जानसठ पुलिस वांछित अपराधियों की तलाश में सक्रिय थी। इसी दौरान थाना प्रभारी विनोद कुमार सिंह को मुखबिर से सूचना मिली कि गढ़ी-नया गांव मार्ग पर स्थित एक सरकारी ट्यूबवेल के पास इनामी बदमाश विकास अटरिया छिपा हुआ है।

सूचना पर तत्काल कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम ने मौके पर घेराबंदी की। पुलिस को देखते ही अभियुक्त विकास ने जान से मारने की नीयत से पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी और ईख के खेतों की ओर भागने लगा।

आत्मरक्षार्थ पुलिस ने की जवाबी फायरिंग पुलिस टीम ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए बदमाश का पीछा किया और उसे आत्मसमर्पण के लिए चेतावनी दी। इसके बावजूद अभियुक्त ने फायरिंग जारी रखी। पुलिस ने आत्मरक्षार्थ जवाबी फायरिंग की, जिसमें एक गोली अभियुक्त के पैर में लगी और वह घायल होकर गिर पड़ा। पुलिस ने तत्काल उसे हिरासत में लेकर उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया।पुलिस ने उसके पास से  01 अवैध तमंचा (315 बोर) जिंदा व खोखा कारतूस 3,320 रुपये नकद जो थाना जानसठ और ककरौली की विभिन्न चोरी व लूट की घटनाओं होना बताया और बरामद करने का दावा किया है पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्त विकास उर्फ अटरिया (निवासी: ग्राम योगेन्द्रनगर, थाना भोपा) एक हिस्ट्रीशीटर अपराधी है। इसके विरुद्ध मुजफ्फरनगर और शामली के विभिन्न थानों में हत्या के प्रयास, लूट, चोरी और गैंगस्टर एक्ट जैसे 20 गंभीर मामले दर्ज हैं। यह लंबे समय से वांछित चल रहा था और पुलिस ने इस पर ₹20,000 का इनाम घोषित कर रखा था।

ऑपरेशन को अंजाम देने वाली टीम में थाना प्रभारी विनोद कुमार सिंह, उपनिरीक्षक दीपक कुमार, दीपक शर्मा और कांस्टेबल अनुज, कपिल व विजय कुमार शामिल रहे।
एमपी-एमएलए कोर्ट ने विदेश राज्यमंत्री का निगरानी वाद किया खारिज,लगातार अनुपस्थित रहने के कारण खारिज हुआ वाद
*11 अगस्त को दिया था मुकदमे का आदेश

गोंडा।अपर सत्र न्यायाधीश एमपी-एमएलए कोर्ट राजेश कुमार तृतीय की अदालत ने विदेश राज्यमंत्री कीर्तिवर्धन सिंह उर्फ़ राजा भैया के निगरानी वाद और स्थगन प्रार्थना पत्र को खारिज कर दिया है।यह फैसला निगरानीकर्ता की लगातार अनुपस्थिति के कारण लिया गया है।न्यायालय द्वारा बार बार उपस्थित होने के कहा जा रहा था परन्तु वह उपस्थित नहीं हो रहे थे।

अदालत ने अपने आदेश में कहा कि निगरानीकर्ता लगातार अनुपस्थित चल रहे थे जबकि विपक्षी अजय सिंह लगातार कोर्ट में उपस्थित हो रहे थे।बार बार पुकारने के बावजूद निगरानीकर्ता की तरफ से कोई उपस्थित नहीं हुआ।विपक्षी के अधिवक्ता ने इस पर कड़ी आपत्ति जताते हुए कहा कि निगरानीकर्ता विभिन्न तारीखों से बार बार स्थगन प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर रहे हैं और सुनवाई नहीं चाहते।

दरअसल बीते 12 अगस्त को एमपी एमएलए कोर्ट ने मनकापुर भिटौरा निवासी अजय सिंह के प्रार्थना पत्र पर सुनवाई करते हुए मनकापुर कोतवाली को निर्देश दिया था कि विदेश राज्यमंत्री कीर्तिवर्धन सिंह उर्फ़ राजा भैया,उनके निजी सचिव राजेश सिंह, पिंकू,सहदेव यादव और क्रांति सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाए।इस आदेश को चुनौती देते हुए विदेश राज्यमंत्री ने ऊपरी अदालत में यह निगरानी वाद दायर किया था।

अजय सिंह ने आरोप लगाया था कि विदेश राज्यमंत्री ने अपने निजी सचिव राजेश सिंह, पिंकू,सहदेव यादव और क्रांति के साथ मिलकर एक महिला की जमीन को धोखाधड़ी से किसी और को बेंच दिया।अजय सिंह के अनुसार जब उनकी पत्नी मनीषा ने इस जालसाजी की शिकायत किया तो आरोपियों ने उन्हें सुलह करने की धमकी दिया और जब वे नहीं माने तो आरोपियों ने अपने निजी सचिव के माध्यम से उनके ऊपर झूठा मुकदमा दर्ज करवा दिया है।वहीं कोर्ट द्वारा निगरानी वाद खारिज किए जाने पर विदेश राज्यमंत्री कीर्तिवर्धन सिंह उर्फ़ राजा भैया के विपक्षी अजय सिंह ने कहा कि 2012 में हमने मनकापुर गांव में जमीन लिखवाया था और उसी जमीन को हड़पने के लिए विदेश राज्यमंत्री कीर्तिवर्धन सिंह उर्फ़ राजा भैया, उनके प्रतिनिधि राजेश सिंह,सहदेव, पिंकू और क्रांति ने योजनाबद्ध तरीके से मेरी जमीन को हड़प लेना चाहते हैं।इसी पर हमने शिकायत किया था तो एमपी एमएलए कोर्ट ने 11 अगस्त को इन सभी लोगों के ऊपर भारतीय न्याय संहिता की धारा 173(4) के तहत मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया था और इस मुकदमे को रोकने के लिए इन लोगों ने जनपद न्यायाधीश के यहां निगरानी वाद दायर किया था,जिसे जिला जज के यहां से एमपी एमएलए कोर्ट राजेश कुमार तृतीय के यहां भेज दिया गया तथा इसी अदालत पर लगातार सुनवाई चल रही थी परन्तु यह लोग निरंतर मौका दरख्वास्त देकर भाग रहे थे।आज इस निगरानी वाद को एमपी एमएलए कोर्ट के न्यायाधीश राजेश कुमार तृतीय ने खारिज कर दिया है।हम चाहते हैं कि न्यायालय ने जो आदेश दिया था वह मुकदमा दर्ज किया जाए और पुलिस इस पूरे मामले की निष्पक्षता से जांच करे।
जहानाबाद: जरूरतमंदों के बीच डेढ़ महीने से कंबल वितरण, बेटे-बहू की प्रेरणा से दंपती कर रहे सेवा कार्य
जहानाबाद जिले के चैनपुरा गांव में इन दिनों मानवता की एक मिसाल देखने को मिल रही है। जिले के ही रहने वाले विनोद प्रताप सिंह और उनकी पत्नी अहिल्या देवी पिछले करीब डेढ़ महीने से असहाय, जरूरतमंद, दिव्यांग और विधवा वर्ग के लोगों के बीच लगातार कंबल वितरण कर रहे हैं। बढ़ती ठंड को देखते हुए उनका यह प्रयास जरूरतमंदों के लिए बड़ी राहत साबित हो रहा है।दंपती ने बताया कि वे यह सेवा कार्य अपने बेटे और बहू की प्रेरणा से कर रहे हैं। उनके पुत्र डॉ. अमित कुमार और बहू हिमानी शर्मा अमेरिका में डॉक्टर के पद पर कार्यरत हैं। दोनों ने अपने माता-पिता को हर साल जरूरतमंदों की मदद करने के लिए प्रेरित किया है। विनोद प्रताप सिंह ने कहा कि उनके बेटे ने जो सफलता हासिल की है, उसमें उनके गांव, परिवार और जहानाबाद की शिक्षा का अहम योगदान है। उन्होंने कहा, “हम अपनी जन्मभूमि और पैतृक स्थल को नहीं भूल सकते। इसलिए हमने संकल्प लिया है कि गांव और आसपास के जरूरतमंद लोगों की हर संभव मदद करेंगे।”उन्होंने बताया कि उनके बेटे की इच्छा है कि यह सेवा कार्य हर साल और अधिक जगहों तक पहुंचे। वहीं बहू हिमानी शर्मा ने विशेष रूप से महिलाओं तक सहायता पहुंचाने पर जोर दिया है, ताकि ठंड के मौसम में किसी को परेशानी न हो। इसी को ध्यान में रखते हुए दंपती गांव-गांव जाकर जरूरतमंद लोगों की सूची तैयार करते हैं और उन्हें कंबल उपलब्ध कराते हैं।अहिल्या देवी ने कहा, “मौसम ने फिर करवट ली है और ठंड बढ़ गई है। ऐसे में जरूरतमंदों तक कंबल पहुंचाकर हमें बहुत सुकून मिलता है। गांव के लोग ही हमारा परिवार हैं, उनकी मदद करके खुशी मिलती है।”
विनोद प्रताप सिंह ने भी स्पष्ट किया कि वे यह काम नाम या शोहरत के लिए नहीं, बल्कि लोगों का आशीर्वाद पाने के लिए करते हैं। उन्होंने कहा, “अगर कंबल देने से किसी को ठंड से राहत मिलती है, तो हम हर साल यह प्रयास जारी रखेंगे।”इस सेवा कार्य की इलाके में काफी सराहना हो रही है। स्थानीय लोग इसे एक प्रेरणादायक पहल मानते हुए समाज के अन्य सक्षम लोगों से भी आगे आने की अपील कर रहे हैं।
आजमगढ़ : सिटी नर्सिंग होम शाहगंज में एक आँख वाले शिशु का हुआ जन्म,डॉक्टरों ने बताया साइक्लोपिया सिंड्रोम से ग्रसित था शिशु


 
  सिद्धेश्वर पाण्डेय
    व्यूरो चीफ
आजमगढ़ । शाहगंज के सिटी नर्सिंग होम में 25 वर्षीय महिला ने एक ऐसे अद्भुत शिशु को जन्म दिया है । जिसे लोग एक तरफ धार्मिक दृष्टि कोण से देख रहे हैं ,तो वही कुछ लोग इसे बीमारी बता रहे हैं । जो एक अत्यंत दुर्लभ जन्म जात बीमारी साइक्लोपिया सिंड्रोम से ग्रसित है ।

यह डिलवरी शाहगंज के सिटी नर्सिंग होम अस्पताल में भर्ती किये जाने के बाद डॉ सैय्यद हुमेरा बानो वरिष्ठ स्त्री रोग विशेषज्ञ के द्वारा नार्मल डिलेवरी कराया गया । अस्पताल के प्रबंधक डॉ तारिक शेख ने बताया कि साइक्लोपिया सिंड्रोम एक अत्यंत दुर्लभ जन्मजात विकृति वीमारी है । जिसमे भ्रूण के मस्तिष्क और चेहरे का विकास का सामान्य रूप से नही हो पाता हैं । जिससे आँखे पूरी तरह से अलग अलग विकसित नही हो पाती हैं और चेहरे की संरचना असमान्य होती है । यह विकार आमतौर पर गर्भावस्था के शुरुआती चरण में होने वाले विकास सम्बन्धी कारणों से होता है ।
डॉ तारिक शेख ने बताया यह बीमारी कम मामलो में देखने को मिलती है । आधुनिक चिकित्सा विज्ञान में इसके उपचार की सम्भावनाए सिमित होती है । इस तरह के मामलों में सावधानी के तौर पर गर्भावस्था के दौरान नियमित जांच ,अल्ट्रासाउंड और समय पर परामर्श आवश्यक होता है । इससे असामान्यता की पहचान पहले से की जा सकती है । इसे चिकित्सा जगत में एक दुर्लभ उदाहरण के रूप में देखा जा रहा है ।
उत्तर प्रदेश का गौरव बने प्रयागराज के डॉ.दीपक त्रिपाठी

पैरा डार्ट्स नेशनल चैम्पियनशिप 2026 में चयन

संजय द्विवेदी प्रयागराज।दिव्यांगजन सशक्तिकरण और खेल प्रतिभा के क्षेत्र में उत्तर प्रदेश के लिए यह अत्यन्त गौरव का क्षण है कि प्रयागराज स्थित नेहरू ग्राम भारती मानित विश्वविद्यालय जमुनीपुर के विशेष शिक्षा संकाय में कार्यरत सहायक आचार्य डॉ.दीपक कुमार त्रिपाठी का चयन पैरा डार्ट्स नेशनल चैम्पियनशिप 2026 के लिए हुआ है।इस राष्ट्रीय स्तर की प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में वे उत्तर प्रदेश का प्रतिनिधित्व करेगे।यह प्रतिष्ठित प्रतियोगिता 31 जनवरी एवं एक फरवरी 2026 को कानपुर, उत्तर प्रदेश में आयोजित की जाएगी जिसमें देशभर से लगभग 120 से अधिक दिव्यांग खिलाड़ी प्रतिभाग करेंगे।यह आयोजन न केवल प्रतिस्पर्धा का मंच है बल्कि दिव्यांग खिलाड़ियो की आत्मनिर्भरता आत्मविश्वास और सामर्थ्य को राष्ट्रीय पटल पर सशक्त रूप से स्थापित करने का अवसर भी है।इंडियन डिसएबिलिटी डार्ट्स एसोसिएशन के महासचिव महेन्द्र सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि डॉ.दीपक कुमार त्रिपाठी का चयन उनकी निरन्तर साधना अनुशासन और उत्कृष्ट प्रदर्शन का परिणाम है।उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि डॉ.त्रिपाठी अपने कौशल संकल्प और प्रतिबद्धता से प्रदेश का नाम राष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित करेगे।शैक्षिक क्षेत्र में अपनी सक्रिय भूमिका के साथ-साथ खेल जगत में यह उपलब्धि डॉ.त्रिपाठी की बहुआयामी प्रतिभा को रेखांकित करती है।उनका चयन विश्वविद्यालय परिवार प्रयागराज जनपद तथा समूचे उत्तर प्रदेश के लिए प्रेरणा का स्रोत है।यह सफलता उन असंख्य दिव्यांगजनो के लिए आशा और उत्साह का सन्देश है जो कठिन परिस्थितियो के बावजूद अपने सपनो को साकार करने का साहस रखते हैं।विश्वास है कि डॉ.दीपक कुमार त्रिपाठी का यह राष्ट्रीय मंच पर पदार्पण दिव्यांग सशक्तिकरण की नई दिशा तय करेगा और आने वाली पीढ़ियो को आगे बढ़ने की प्रेरणा देगा।

पुलिस मुठभेड़ में पुलिस की गोली लगने से एक बदमाश घायल

विपिन राठौर मीरापुर मुज़फ्फरनगर), मीरापुर। देर रात्रि कुतुबपुर नहर झाल पर पुलिस मुठभेड़ में पुलिस की गोली लगने से एक बदमाश घायल हो गया जबकि उसका भाई गिरफ्तार हो गया। घायल बदमाश पर दर्जनों आपराधिक मुकदमे दर्ज है
गुरुवार की देर रात्रि पुलिस कुतुबपुर नहर झाल पर चैकिंग कर रही थी। उसी दौरान कुतुबपुर की और से एक बाइक पर दो व्यक्ति आते दिखे तो पुलिस ने उन्हें रुकने का इशारा किया तो बाइक सवार भूम्मा चौकी की और फरार होने लगे। पुलिस द्वारा पीछा करने पर बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग कर दी। पुलिस मुठभेड़ में एक बदमाश के पैर में गोली लगने से वह घायल हो गया। पुलिस ने मौके पर ही दोनों बदमाशों को दबोच लिया। पुलिस पूछताछ में घायल बदमाश ने अपना नाम शाहनवाज पुत्र सरफराज निवासी थाना जानसठ गांव तिलौरा हाल पता जनपद मेरठ के कस्बा फलावदा व उसके भाई नोमान ने अपना हाल पता थाना खतौली के मौहल्ला भूड बताया। पुलिस ने बदमाशों से एक बाइक , एक तमंचा,कारतूस,एक चाकू बरामद किया। घायल बदमाश पर थाना मीरापुर, पुरकाजी, कोतवाली, रामराज, जनपद मेरठ के थाना फलावदा में 16 आपराधिक मुकदमे दर्ज है वहीं उसके भाई नोमान पर जनपद मेरठ के थाना फलावदा में 2 आपराधिक मुकदमे दर्ज है। पुलिस ने घायल बदमाश शाहनवाज को रात में ही जिला अस्पताल में भर्ती करा दिया था। पुलिस का कहना है कि घायल बदमाश शाहनवाज थाने का हिस्ट्रीशीटर भी है।
हजारीबाग की आर्या किशोर ने रचा इतिहास, एडिडास जर्सी कैंपेन में हार्दिक पांड्या सहित स्टार क्रिकेटरों के साथ आईं नज़र

झारखंड के साथ हजारीबाग के लिए आज गर्व का विषय है कि यहीं की धरती में जन्मी और पली-बढ़ी आर्या किशोर आज झारखंड की उन उभरती प्रतिभाओं में शामिल हैं, जो राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना रही हैं। आज आर्या भारत की उन कुछ चुनिंदा मॉडल में शामिल हो गई जो भारतीय क्रिकेट जगत के चर्चित खिलाड़ी हार्दिक पांड्या, तिलक वर्मा और अभिषेक शर्मा के साथ "एडिडास जर्सी कैंपेन" में अन्य मॉडलों और कलाकारों के साथ प्रमुख रूप से नज़र आईं। यह कैंपेन देशभर के एडिडास स्टोर्स के साथ-साथ कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट पर भी प्रदर्शित किया गया, जिससे आर्या को राष्ट्रीय स्तर पर व्यापक पहचान मिली।

उनकी प्रतिभा को कम उम्र में ही स्थानीय संस्था तरंग ग्रुप ने पहचाना था जिसके बाद संस्था के द्वारा आयोजित ‘मिस लिटिल स्टार हजारीबाग’ 2015 और ‘मिस टीन झारखंड’ 2019 का खिताब जीतकर आर्या ने प्रदर्शन कला और मॉडलिंग की दुनिया में आत्मविश्वास के साथ कदम रखा। आर्या एक शिक्षित और सहयोगी पारिवारिक पृष्ठभूमि से आती हैं। उनकी माता दीपाली प्रसाद, डीएवी हजारीबाग की शिक्षिका है जबकि पिता झारखंड राज्य सहकारी बैंक में मैनेजर के पद पर कार्यरत हैं। परिवार के निरंतर सहयोग से आर्या अपने सपनों को साकार करने की दिशा में आगे बढ़ रही हैं। एक युवा कलाकारा और महत्वाकांक्षी अभिनेत्री के रूप में आर्या वर्तमान में दिल्ली में रहकर अपने अभिनय,मॉडलिंग के साथ पत्रकारिता के करियर को आगे बढ़ा रही हैं। आर्या ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा डीएवी पब्लिक स्कूल, हजारीबाग से पूरी की। वर्तमान में वह कॉलेज की पढ़ाई के साथ-साथ रचनात्मक क्षेत्र में विभिन्न पेशेवर असाइनमेंट भी संभाल रही हैं। इसके पूर्व भी आर्या ने रिलायंस, लैक्मे एवं अन्य कई कंपनियों के लिए भी बतौर मॉडल कार्य कर चुकी है। बचपन से ही मंच से जुड़ी आर्या ने एंकरिंग, नृत्य और रैंप वॉक जैसे क्षेत्रों में सक्रिय भागीदारी की, जिसने आगे चलकर उन्हें अभिनय की ओर प्रेरित किया। एक उभरती हुई कलाकार के रूप में आर्या किशोर लगातार प्रशिक्षण, सीख और मेहनत के साथ अपने अभिनय सफर को मजबूती दे रही हैं और आने वाले समय में बड़े मंच पर खुद को स्थापित करने की दिशा में कदम बढ़ा रही हैं। आर्या ने अपनी इस सफलता का श्रेय अपने माता पिता बहन अदिति, डी ए वी के पूर्व प्राचार्य अशोक कुमार के साथ तरंग ग्रुप के निर्देशक अमित कुमार गुप्ता को दिया जिनके लगातार मार्गदर्शन से वो इस क्षेत्र में बेहतर कर रही है।

समाजसेवी संजय मिश्रा के जन्मदिन पर दिखा सेवा और सम्मान का भव्य संगम
मुंबई। प्रतापगढ़ जनपद के पट्टी विधानसभा क्षेत्र (249) में समाजसेवा के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बना चुके प्रसिद्ध समाजसेवी एवं उद्योगपति संजय मिश्रा का जन्मदिन मंगलवार को मुंबई के पाँच सितारा होटल में अत्यंत भव्य, आत्मीय और गरिमामय वातावरण में मनाया गया। यह अवसर केवल जन्मदिन का उत्सव नहीं रहा, बल्कि समाजसेवा, मानवीय संवेदना और सामाजिक दायित्व के प्रति प्रतिबद्धता का प्रतीक बन गया।
समाज के अंतिम व्यक्ति तक सहायता पहुँचाने, जरूरतमंद बेटियों के विवाह में सहयोग करने और संकट में खड़े लोगों के लिए सदैव आगे रहने वाले संजय मिश्रा के जन्मदिन पर देश-प्रदेश की अनेक नामचीन हस्तियाँ विशेष रूप से मुंबई पहुँचीं। कार्यक्रम स्थल पर हर ओर स्नेह, अपनत्व और सम्मान का भाव देखने को मिला। इस अवसर पर मनोज तिवारी ने संजय मिश्रा को जन्मदिन की शुभकामनाएँ देते हुए उनके सेवा कार्यों की सराहना की और कहा कि वे बिना किसी प्रचार के लगातार समाज के लिए कार्य करते हैं। ऐसे लोग समाज की असली ताकत होते हैं। वहीं आचार्य पवन त्रिपाठी ने कहा कि संजय मिश्रा का जीवन सेवा, संस्कार और समर्पण का सुंदर उदाहरण है। उन्होंने उद्योग और समाजसेवा के बीच संतुलन बनाते हुए समाज के हर वर्ग के लिए कार्य किया है, जो युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है। कार्यक्रम में प्रमुख रूप से मनोज तिवारी, अभिरामाचार्य जी महाराज, कृपाशंकर सिंह, आचार्य पवन त्रिपाठी, अखिलेश चौबे, आनंद दूबे, कमलाशंकर मिश्रा, अशोक कुमार सुमन, मुकेश पाण्डेय, संजय सिंह, प्रभाकर शुक्ला, मनोज दूबे, अनिल सावंत, अरुण मिश्रा, अविनाश त्रिपाठी, अवधेश मिश्रा, अतुल पाण्डेय, आनंद पाण्डेय, विपुल जिलानी, प्रकाश बोरा, सतीश कर्मावत, मोहम्मद आरिफ भाई, राजेश मिश्रा, अविनाश पाण्डेय, आशीष त्रिपाठी, राजेश पाण्डेय, आशीष दूबे, मिथिलेश मिश्रा, सुरेश मिश्रा, धनंजय मिश्रा, कैलाश मिश्रा, संतोष मिश्रा, दीपक सुहाना उर्फ छोटका खेसारी, दीपक त्रिपाठी, रजनीश सिंह रिशु, सुरेंद्र पाण्डेय लल्लन पांडे, रमेश मिश्रा, राजकुमार मिश्रा, संजय शुक्ला बिरौती, संजय सिंह, जितेंद्र सिंह जीतू, रोहित पाण्डेय, प्रिंस पाण्डेय सहित बड़ी संख्या में शुभेच्छु, रिश्तेदार और इष्ट-मित्र उपस्थित रहे। अंत में संजय मिश्रा ने सभी आगंतुकों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आप सभी का स्नेह और आशीर्वाद ही उनकी सबसे बड़ी शक्ति है और वे आगे भी पूरी निष्ठा के साथ समाजसेवा के कार्यों में लगे रहेंगे।
पीटी उषा के पति वी श्रीनिवास का निधन, घर में इस हालत में मिला शव

#ptushashusbandvsrinivasanpasses_away

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भारतीय ओलंपिक संघ की अध्यक्ष और राज्यसभा सदस्य पी टी उषा के पति वी श्रीनिवासन का शुक्रवार तड़के निधन हो गया। पारिवारिक सूत्रों के मुताबिक, उनका देहांत केरल के कोझिकोड स्थित आवास पर हुआ। वे 67 वर्ष के थे।

श्रीनिवासन अपने घर थिक्कोडी पेरुमलपुरम में लगभग 1:00 बजे गिर पड़े थे। उन्हें तुरंत पास के एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। यह घटना तब हुई जब पीटी उषा एक संसदीय सत्र से लौट रही थीं और घर पर मौजूद नहीं थीं।

किरेन रिजिजू का ट्वीट

किरेन रिजिजू ने ट्वीट करते हुए लिखा कि राज्यसभा सांसद और इंडियन ओलंपिक एसोसिएशन की प्रेसिडेंट पी टी उषा जी के पति श्री वी. श्रीनिवासन जी के निधन के बारे में जानकर बहुत दुख हुआ। उषा जी और शोक संतप्त परिवार के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं। इस मुश्किल समय में उन्हें शक्ति मिले, इसके लिए प्रार्थना।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जताया शोक

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पीटी उषा से फोन पर बात कर उनके पति के निधन पर गहरी संवेदना व्यक्त की। प्रधानमंत्री ने इस कठिन समय में परिवार के प्रति अपनी सहानुभूति और समर्थन भी जताया।

कौन थे वी. श्रीनिवासन?

वी. श्रीनिवासन का जन्म कुट्टिक्काड पोन्नानी के वेंगाली थारवाद में नारायणन और सरोजिनी के घर हुआ था। वे सेंट्रल इंडस्ट्रियल सिक्योरिटी फोर्स (CISF) में उप अधीक्षक के पद से सेवानिवृत्त हुए थे। उन्होंने 1991 में पीटी उषा से शादी की थी, जो उनकी दूर की रिश्तेदार भी थीं।

उषा के जीवन और करियर में निभाई अहम भूमिका

केंद्र सरकार के पूर्व कर्मचारी श्रीनिवासन उषा के शानदार खेल करियर और राजनीतिक करियर के दौरान हमेशा उनके साथ रहे। उन्हें उषा का मजबूत संबल और उनकी कई पेशेवर उपलब्धियों के पीछे प्रेरक शक्ति माना जाता था। इस दंपति का एक बेटा है जिसका नाम उज्ज्वल है।

एनओसी के फेर में फंसा अस्पताल का फायर हाइड्रेंट सिस्टम


*आग से बचाव के लिए जिला अस्पताल ज्ञानपुर में लगा है उपकरण,1.20 करोड़ का है प्रोजेक्ट*


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। महाराजा चेतसिंह जिला चिकित्सालय में दो साल पहले शुरू हुआ फायर हाइड्रेंड सिस्टम का काम अब 98 फीसदी पूरा हो चुका है। अग्निशमन विभाग से एनओसी नहीं मिलने के कारण फायर हाइड्रेंड सिस्टम का संचालन शुरू नहीं हो सका है। यह 1.20 करोड़ रुपये का प्रोजेक्ट है। अस्पताल परिसर में धुंआ उठते ही सेंसर आवाज करने लगेगा, इससे समय रहते आग पर काबू पाया जाएगा। इसके लिए स्वास्थ्यकर्मी को प्रशिक्षित किया जाएगा। देश के कई अस्पतालों में अगलगी की घटनाओं में मरीजों की मौत हो चुकी है। शासन के निर्देश पर अस्पतालों में बचाव के लिए पहल की जा रही है। जिला अस्पताल में लगने वाले फायर हाइड्रेंड सिस्टम से जिला अस्पताल के हर बिल्डिंग को जोड़ा गया है। ओपीडी भवन, इमरजेंसी, ब्लड बैंक, एनआरसी, लेबर कक्ष, ऑपरेशन थियेटर, लैब, एक्स-रे कक्ष आदि स्थानों कहीं भी धुआं उठते ही सेंसर आवाज करने लगेगा। सायरन बजते ही स्वास्थ्य कर्मी अलर्ट मोड़ में होगे। फायर सिस्टम चालू करने पर पाइप के माध्यम से पानी के फुहारे आग की लपटों पर गिरेगी। इससे आग पर तुंरत काबू पाया जाएगा। अस्पताल में रोजाना एक हजार की ओपीडी होती है। वहीं, तीन से चार हजार मरीजों की भीड़ रहती है। जनवरी 2024 में फायर हाइड्रेंट सिस्टम कार्य शुरू हुआ था। जून 2025 हैंडओवर की अंतिम डेड लाइन थी। शासन से बजट समय से नहीं मिलने के कारण स्वास्थ्य विभाग के उच्चाधिकारियों ने हैंडओवर की अंतिम तिथि 31 दिसंबर 2025 कर दिया। इस डेडलाइन से पहले ही फायर सिस्टम बनकर तैयार हो गया। अग्निशमन विभाग के अधिकारियों ने जिला अस्पताल का निरीक्षण भी कर लिया हैं, लेकिन अभी तक एनओसी नहीं मिली। इससे कार्यदायी संस्था ने प्रोजेक्ट को हैंडओवर नहीं किया।


छह स्वास्थ्यकर्मी होंगे प्रशिक्षित
फायर हाईड्रेंड सिस्टम को संचालित करने के लिए अग्निशमन विभाग की ओर से जिला अस्पताल के छह चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों को प्रशिक्षित किया जाएगा। आगजनी की घटना के बाद कैसे आग पर काबू पाया जाएगा। कर्मचारियों को अस्पताल में ट्रेंनिग दी जाएगी। इस दौरान पूरे सिस्टम को ऑन करके दिखाया जाएगा। आग कैसे बुझानी है, इसके बारे में बताया जाएगा। एक लाख लीटर पानी हमेशा संरक्षित रहेगा। इसके लिए टंकी का निर्माण कराया गया है।


सीएफओ ने फायर हाइड्रेंट सिस्टम के लिए अस्पताल का निरीक्षण किया है। अग्निशमन से एनओसी जारी होते ही हैंडओवर लिया जाएगा। आगजनी की घटना में यह प्रभावशाली होगा। - डॉ. अजय तिवारी सीएमएस जिला अस्पताल
मुठभेड़ के बाद 20 हजार का इनामी बदमाश विकास उर्फ अटरिया गिरफ्तार ।

ब्रह्म प्रकाश शर्मा

मुजफ्फरपुर/जानसठ, । जनपद में अपराध और अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे जीरो टॉलरेंस अभियान के तहत जानसठ पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। गुरुवार को पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में ₹20,000 का इनामी और शातिर अपराधी विकास उर्फ अटरिया पुलिस की गोली लगने से घायल हो गया, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। पकड़े गए अभियुक्त के पास से अवैध हथियार और नकदी बरामद हुई है।
मुखबिर की सूचना पर घेराबंदी, गढ़ी-नया गांव मार्ग पर हुई मुठभेड़ ।

पुलिस प्रशासन से मिली जानकारी के अनुसार, थाना जानसठ पुलिस वांछित अपराधियों की तलाश में सक्रिय थी। इसी दौरान थाना प्रभारी विनोद कुमार सिंह को मुखबिर से सूचना मिली कि गढ़ी-नया गांव मार्ग पर स्थित एक सरकारी ट्यूबवेल के पास इनामी बदमाश विकास अटरिया छिपा हुआ है।

सूचना पर तत्काल कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम ने मौके पर घेराबंदी की। पुलिस को देखते ही अभियुक्त विकास ने जान से मारने की नीयत से पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी और ईख के खेतों की ओर भागने लगा।

आत्मरक्षार्थ पुलिस ने की जवाबी फायरिंग पुलिस टीम ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए बदमाश का पीछा किया और उसे आत्मसमर्पण के लिए चेतावनी दी। इसके बावजूद अभियुक्त ने फायरिंग जारी रखी। पुलिस ने आत्मरक्षार्थ जवाबी फायरिंग की, जिसमें एक गोली अभियुक्त के पैर में लगी और वह घायल होकर गिर पड़ा। पुलिस ने तत्काल उसे हिरासत में लेकर उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया।पुलिस ने उसके पास से  01 अवैध तमंचा (315 बोर) जिंदा व खोखा कारतूस 3,320 रुपये नकद जो थाना जानसठ और ककरौली की विभिन्न चोरी व लूट की घटनाओं होना बताया और बरामद करने का दावा किया है पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्त विकास उर्फ अटरिया (निवासी: ग्राम योगेन्द्रनगर, थाना भोपा) एक हिस्ट्रीशीटर अपराधी है। इसके विरुद्ध मुजफ्फरनगर और शामली के विभिन्न थानों में हत्या के प्रयास, लूट, चोरी और गैंगस्टर एक्ट जैसे 20 गंभीर मामले दर्ज हैं। यह लंबे समय से वांछित चल रहा था और पुलिस ने इस पर ₹20,000 का इनाम घोषित कर रखा था।

ऑपरेशन को अंजाम देने वाली टीम में थाना प्रभारी विनोद कुमार सिंह, उपनिरीक्षक दीपक कुमार, दीपक शर्मा और कांस्टेबल अनुज, कपिल व विजय कुमार शामिल रहे।