अग्निवेश अग्रवाल के आकस्मिक निधन पर अग्रसेन अग्रवाल समाज ने आयोजित की भावपूर्ण शोक सभा

संजय द्विवेदी प्रयागराज।अग्रसेन अग्रवाल समाज प्रयागराज द्वारा वेदान्ता समूह के चेयरमैन भामाशाह अनिल अग्रवाल के सुपुत्र अग्निवेश अग्रवाल (आयु 49 वर्ष) के दिनांक 7 जनवरी 2026 को हुए आकस्मिक निधन पर आज सायं होटल नवीन कॉन्टिनेंटल प्रयागराज में एक आपात शोक सभा का आयोजन किया गया।शोक सभा का शुभारम्भ दिवंगत आत्मा की शांति हेतु दो मिनट के मौन के साथ किया गया।इस अवसर पर समाज के वरिष्ठ पदाधिकारी गणमान्य सदस्य अग्रवाल महिला मंडल एवं अग्रवाल युवा मंडल के पदाधिकारी एवं सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।सभी ने दिवंगत अग्निवेश अग्रवाल के असमय निधन को समाज एवं उद्योग जगत के लिए एक अपूरणीय क्षति बताया।सभा को सम्बोधित करते हुए समाज के अध्यक्ष पीयूष रंजन अग्रवाल ने कहा कि अग्निवेश अग्रवाल का जीवन सादगी विनम्रता और समाज के प्रति समर्पण का प्रतीक था तथा उनका असमय जाना पूरे अग्रवाल समाज के लिए अत्यंत दुःखद है।महामंत्री अभिषेक मित्तल ने कहा कि दिवंगत अग्निवेश अग्रवाल के विचार एवं मूल्य आने वाली पीढ़ियो के लिए सदैव प्रेरणास्रोत बने रहेंगे।वरिष्ठ उपाध्यक्ष मनोज अग्रवाल ने कहा कि उनके निधन से समाज में जो रिक्तता उत्पन्न हुई है उसकी भरपाई संभव नही है।भानु प्रकाश अग्रवाल (पूर्व अध्यक्ष)ने कहा कि अग्निवेश अग्रवाल का व्यक्तित्व अत्यंत सरल एवं प्रेरणादायक था और समाज के प्रति उनका समर्पण सदैव स्मरणीय रहेगा। डॉ.बी.बी. अग्रवाल ने अपने संक्षिप्त वक्तव्य में कहा कि यह घटना केवल एक परिवार ही नही बल्कि सम्पूर्ण समाज के लिए गहरा आघात है।शोक सभा में समाज के वरिष्ठ सदस्य हरिश्चन्द्र अग्रवाल (बिल्लू भैया) प्रमय मित्तल सहित अनेक गणमान्यजन उपस्थित रहे।अग्रवाल युवा मण्डल से अध्यक्ष अभिनव अग्रवाल महामंत्री वैभव गोयल एवं वरिष्ठ उपाध्यक्ष आशुतोष गोयल साथ ही अंशु अग्रवाल सौरभ अग्रवाल एवं अंकित अग्रवाल भी शोक सभा में शामिल हुए। इस अवसर पर युवा मंडल अध्यक्ष अभिनव अग्रवाल ने कहा कि अग्निवेश अग्रवाल का जीवन युवाओ के लिए प्रेरणादायक था और उनके विचार सदैव समाजसेवा की दिशा दिखाते रहेंगे।इसके अतिरिक्त इस अवसर पर विशाल अग्रवाल आलोक अग्रवाल आशीष गोयल कृषाणु बंसल अनुप अग्रवाल विनिता अग्रवाल नितिन अग्रवाल संदीप अग्रवाल डॉ.बी.बी.अग्रवाल तुषार गुप्ता आदेश गोयल दीप्ति गुप्ता डॉ.कीर्ति अग्रवाल आशीष अग्रवाल मुकेश अग्रवाल एवं आयुष अग्रवाल भी उपस्थित रहे।सभा के अंत में सभी उपस्थित समाजजनों ने ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करे तथा शोक संतप्त परिवार को इस दुःख की घड़ी में धैर्य एवं शक्ति प्रदान करे।

वंदे मातरम चित्रकला कार्यशाला का भव्य उद्घाटन न्यायमूर्ति सुधीर नारायण के कर कमलो से

कलाकार रवीन्द्र कुशवाहा के संयोजन में राज्य ललित कला अकादमी की वंदे मातरम कला कार्यशाला 17 जनवरी को

संजय द्विवेदी प्रयागराज।विख्यात चित्रकार रवीन्द्र कुशवाहा के संयोजन में राज्य ललित कला अकादमी उत्तर प्रदेश संस्कृति विभाग द्वारा आयोजित उत्तर प्रदेश दिवस के अतर्गत राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष में वंदे मातरम पर आधारित चित्रांकन हेतु तीन दिवसीय वंदे मातरम कला कार्यशाला का भव्य उद्घाटन न्यायमूर्ति सुधीर नारायण संस्कार भारती पण्डाल किला चौराहा माघमेला शिविर में 17 जुलाई 2026 को करेगे। विशिष्ट अतिथि उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केन्द्र के निदेशक सुदेश शर्मा तथा संस्कार भारती प्रयागराज महानगर की अध्यक्ष डॉ ज्योति मिश्रा होगी तथा संस्कार भारती के महामंत्री विभव शंकर मिश्रा कलाकारो का उत्साह वर्धन करेंगे।इस कला कार्यशाला के मेंटोर इलाहाबाद विश्वविद्यालय के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ सचिन सैनी के निर्देशन में चित्रकार शुभम कुशवाहा सौरभ सोनी सर्वेश पटेल प्रिया सिंह एवं युग सिंह वंदे मातरम थीम पर 15 मीटर लम्बे कैनवास पर भावपूर्ण चित्रण करते हुए अपनी कला का जलवा बिखेरेगे।उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा उत्तर प्रदेश दिवस पर 24 जनवरी 2026 को राजधानी लखनऊ में यह चित्र प्रदर्शित होंगे।राज्य ललित कला अकादमी के अध्यक्ष डॉ सुनील विश्वकर्मा उपाध्यक्ष गिरीशचद्र मिश्र व निदेशक अमित कुमार अग्निहोत्री का संयोजक रवीन्द्र कुशवाहा ने आभार व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य सरकार के इस देश भक्तिपूर्ण कार्यक्रम को निष्ठापूर्वक अंजाम देने के लिए राज्य ललित कला अकादमी ने रवीन्द्र कुशवाहा पर पूर्ण विश्वास जताया है।इस शुभ अवसर पर संस्कार भारती के सभी पदाधिकारी है वह कार्यकर्ता मौजूद रहेगे।

मौनी अमावस्या स्नान पर्व के दृष्टिगत मण्डलायुक्त सौम्या अग्रवाल एवं पुलिस आयुक्त जोगेन्द्र कुमार के निर्देशन में ब्रीफिंग

संजय द्विवेदी प्रयागराज।माघ मेला–2026 में आगामी मौनी अमावस्या स्नान पर्व को सुरक्षित सुव्यवस्थित एवं सुगम रूप से सम्पन्न कराए जाने के उद्देश्य से रिज़र्व पुलिस लाइन्स माघ मेला स्थित तीर्थराज सभागार में मण्डलायुक्त प्रयागराज सौम्या अग्रवाल एवं पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट प्रयागराज जोगेन्द्र कुमार की संयुक्त अध्यक्षता में मेला क्षेत्र में विभिन्न विभागो इकाइयो के अधिकारियों के साथ समीक्षा एवं ब्रीफिंग आयोजित की गई।नीरज कुमार पाण्डेय पुलिस अधीक्षक माघ मेला द्वारा बैठक में निर्देशित किया गया कि स्नान घाटो तक आने-जाने के मार्गो पर प्रवेश निकास रूट का स्पष्ट प्रदर्शन सुनिश्चित किया गया है ताकि श्रद्धालुओ को मार्गदर्शन मिल सके और अनावश्यक भ्रम जाम की स्थिति न बने।साथ ही अलग-अलग दिशाओं से आने वाले वाहनों के लिए निर्धारित पार्किंग व्यवस्था एवं डायवर्जन पॉइंट्स पर पुलिस बल को सतर्क रहते हुए वाहनो को व्यवस्थित रूप से भेजने के निर्देश दिए गए।भीड़ नियंत्रण हेतु बताया गया कि आई सी सी सी द्वारा एआई सक्षम सीसीटीवी के माध्यम से रियल-टाइम डेंसिटी मॉनिटरिंग की जा रही है।आवश्यकता पड़ने पर पूर्वनिर्धारित क्राउड मैनेजमेंट स्कीम्स डायवर्जन प्लान लागू कर भीड़ को वैकल्पिक मार्गो एवं घाटो की ओर नियंत्रित किया जाएगा। डॉ0 अजय पाल शर्मा अपर पुलिस आयुक्त(कानून एवं व्यवस्था)द्वारा आपात स्थिति में त्वरित समन्वय हेतु वायरलेस संचार प्रणाली एवं सैटेलाइट फोन की व्यवस्था को प्रभावी रखने के निर्देश दिए गए।साथ ही संवेदनशील क्षेत्रो में रस्सो बैरीकेटिंग संसाधनो की उपलब्धता तथा किसी भी वाहन के ब्रेकडाउन जाम की स्थिति में रिकवरी क्रेन व्यवस्था सक्रिय रखने के लिए निर्देशित किया गया।बैठक में घाटो पर अनावश्यक रुकावट न होने देने घाटो के किनारे दुकानदारो वेन्डर्स भिक्षुको की अनधिकृत मौजूदगी नियंत्रित करने तथा भीड़ बढ़ने की स्थिति में भण्डारे प्रसाद वितरण के संचालन को नियंत्रित अस्थायी रूप से बंद कराने हेतु भी सम्बंधित अधिकारियो को निर्देशित किया गया।फायर सेफ्टी एवं इलेक्ट्रिकल सेफ्टी के दृष्टिगत संवेदनशील स्थानों पर निरीक्षण एवं जागरूकता बढ़ाने पर भी विशेष बल दिया गया।जोगेन्द्र कुमार पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट प्रयागराज द्वारा बैठक में निर्देशित किया गया कि रिक्रूट कर्मियो को अकेले ड्यूटी प्वाइन्ट पर न छोड़ा जाए तथा नियमित कर्मियों के साथ समन्वय में ड्यूटी कराई जाए।प्रत्येक ड्यूटी प्वाइंट पर अधिकतम सतर्कता एवं उत्तरदायित्व सुनिश्चित करने हेतु अधिकारियो को अपने अधीनस्थ कर्मियो से प्रभावी आउटपुट लेने तथा नियमित रूप से फील्ड निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए।सभी अधिकारियो कर्मचारियो को निर्देशित किया गया कि दिनांक 17.01.2026 की शाम से 18.01.2026 की शाम तक अगले 24 घंटे अत्यन्त महत्वपूर्ण हैं।इस अवधि में सभी संबंधित अधिकारी अपने- अपने कार्यक्षेत्र में लगातार उपस्थित रहकर निर्धारित योजनाओ के अनुसार ड्यूटी संपादित करेगे।बैठक में भीड़ प्रबन्धन यातायात नियंत्रण स्नान घाटो की सुरक्षा आपातकालीन स्कीम एवं संचार व्यवस्था को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश दिए गए।सौम्या अग्रवाल मण्डलायुक्त प्रयागराज द्वारा स्नान पर्व के दौरान व्यवस्थाओ को प्रभावी बनाए रखने हेतु अतिक्रमण हटाने/नो व्हीकल जोन सुनिश्चित करने तथा मार्गों को पूरी तरह क्लियर रखने के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए गए।अतिक्रमण हटाने हेतु ट्रैक्टर-ट्रॉली एवं पर्याप्त बल की व्यवस्था कर कार्रवाई को लगातार जारी रखने पर जोर दिया गया ताकि निकासी मार्ग बाधित न हो।इस अवसर पर अपर पुलिस आयुक्त डॉ.अजय पाल शर्मा अपर पुलिस आयुक्त विजय ढुल जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा मेलाधिकारी ऋषि राज पुलिस अधीक्षक माघ मेला नीरज कुमार पाण्डेय पुलिस उपायुक्त नगर मनीष कुमार पुलिस उपायुक्त गंगापार कुलदीप गुनावत पुलिस उपायुक्त यमुनापार विवेक कुमार सहित पुलिस प्रशासन एवं अन्य इकाइयो के अधिकारीगण उपस्थित रहे।

अरैल घाट सेक्टर–7 में मकर संक्रांति के बाद अमावस्या को लेकर सफाई अभियान जोरो पर

संजय द्विवेदी प्रयागराज। माघ स्नान मकर संक्रांति पर्व के बाद आगामी अमावस्या स्नान को दृष्टिगत रखते हुए श्रद्धालुओं की सुविधा स्वास्थ्य और स्वच्छ वातावरण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से माघ मेला क्षेत्र अन्तर्गत अरैल घाट सेक्टर–7 में गुरुवार को भी व्यापक सफाई अभियान जोर-शोर से जारी रहा।मकर संक्रांति के दौरान विशेष स्वच्छता अभियान चलाए जाने के बाद अब अमावस्या स्नान को लेकर सफाई व्यवस्था और अधिक सुदृढ़ कर दी गई है।घाट सम्पर्क मार्गो स्नान क्षेत्रो और आवासीय स्थलो की नियमित रूप से साफ-सफाई कराई जा रही है।सेक्टर–7 में स्वच्छता की संपूर्ण जिम्मेदारी प्रभारी निरीक्षक धर्मेन्द्र कुमार यादव के निर्देशन में निभाई जा रही है।उन्होंने बताया कि मेला अवधि में श्रद्धालुओ की सुविधा और सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है।मकर संक्रांति के बाद भी सफाई और सेनेटाइजेशन का कार्य लगातार जारी है ताकि अमावस्या स्नान के दौरान आने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो और संक्रामक बीमारियो से बचाव किया जा सके।उन्होने बताया कि सफाईकर्मियो की टीमे अलग-अलग स्थानो पर तैनात की गई हैं, जो 24 घंटे निगरानी रखते हुए स्वच्छता बनाए हुए हैं।विशेष रूप से स्नान घाटो रास्तों और ठहराव स्थलो पर अतिरिक्त सफाई कराई जा रही है। स्थानीय श्रद्धालुओ और कल्पवासियों ने सेक्टर–7 में की जा रही साफ-सफाई व्यवस्था की सराहना की है।

घने कोहरे की चादर से ढका दिल्ली-एनसीआर, धीमी पड़ी रफ्तार*

#densefogdelhincrweather

उत्तर भारत में कड़ाके की ठंड का दौर जारी है। दिल्ली-एनसीआर के हाल और भी खराब हैं। यहां शनिवार सुबह जबरदस्त घना कोहरा छाया रहा। हालात ऐसे थे कि कई इलाकों में विजिबिलिटी लगभग शून्य तक पहुंच गई। सड़कों पर चलना मुश्किल हो गया, वहीं गाड़ी चलाने वालों को धीमी रफ्तार में सफर करना पड़ा।

प्रदूषण ने भी बढ़ाई परेशानी

दिल्ली-एनसीआर में घने कोहरे के साथ-साथ प्रदूषण ने भी एनसीआर की परेशानी बढ़ा दी है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति (डीपीसीसी), यूपीपीसीबी (यूपीपीसीबी) और आईएमडी के आंकड़ों के मुताबिक एनसीआर के कई इलाकों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) गंभीर श्रेणी में पहुंच गया है।

ठंड और कोहरे की मार

मौसम विभाग के अनुसार, आज न्यूनतम तापमान 3-5 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है, जिससे ठंड और कोहरे की मार और बढ़ गई है। मौसम विज्ञान विभाग मुताबिक उत्तर भारत में कोल्ड वेव अब धीरे-धीरे कमजोर पड़ रही है। लेकिन कोहरा अभी भी बड़ी चुनौती बना हुआ है।

हल्की बारिश की भी संभावना

पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है। इसका असर पहाड़ों से लेकर मैदानों तक दिखेगा। आने वाले पांच दिनों में कहीं घना कोहरा छाया रहेगा। कहीं हल्की बारिश की संभावना है। तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होगी। लेकिन सुबह और रात की ठंड अभी परेशान करेगी।

17 से 22 जनवरी के बीच कैसा रहेगा मौसम

मौसम विभाग के अनुसार 17 से 22 जनवरी के बीच उत्तर भारत के कई राज्यों में मौसम बदलता रहेगा। पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में सुबह के समय घना बना रह सकता है। न्यूनतम तापमान भले ही 2 से 4 डिग्री बढ़े, लेकिन ठंड का असर बना रहेगा। कुछ इलाकों में कोल्ड डे कंडीशंस भी दर्ज की जा सकती हैं।

अबुआ दिशोम बजट 2026-27: 'आम आदमी' के सुझावों से सजेगा झारखंड का बजट, मिलेट्स और महुआ की ब्रांडिंग पर जोर।

रांची: झारखंड सरकार के आगामी 'अबुआ दिशोम बजट 2026-27' को लेकर आयोजित दो दिवसीय बजट पूर्व गोष्ठी शुक्रवार को संपन्न हो गई। वित्त मंत्री श्री राधाकृष्ण किशोर ने स्पष्ट किया कि इस बार का बजट पूरी तरह लोकतांत्रिक होगा और जनता की उम्मीदों को ध्यान में रखकर बनाया जाएगा।

वित्त एवं राजस्व: टैक्स और सुधार

वित्त मंत्री ने राजस्व संग्रह बढ़ाने और टैक्स प्रणाली में सुधार पर जोर दिया। उन्होंने सुझाव दिया कि असंगठित ठेकेदारों और ट्रांसपोर्टरों को जीएसटी के दायरे में लाया जाए और टैक्स विसंगतियों को दूर करने के लिए 'माफी योजना' लाई जाए।

स्वास्थ्य क्षेत्र: कैंसर और आधुनिक तकनीक

स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने हेल्थ सेक्टर को अंतरराष्ट्रीय मानकों पर लाने का संकल्प दोहराया। गोष्ठी में महिलाओं में बढ़ते ब्रेस्ट कैंसर की रोकथाम के लिए सभी मेडिकल कॉलेजों और सदर अस्पतालों में मैमोग्राफी मशीन की स्थापना और विशेषज्ञों की नियुक्ति का सुझाव प्रमुख रहा। रिम्स-2 और सभी जिलों में 10 आईसीयू बेड की सुविधा पर भी चर्चा हुई।

कृषि एवं खाद्य सुरक्षा: मिलेट्स और पीडीएस

खाद्य आपूर्ति विभाग को सुझाव दिया गया कि राशन कार्ड (PDS) के जरिए केवल अनाज ही नहीं, बल्कि मिलेट्स (मोटा अनाज), दाल, सरसों तेल और अंडा भी उपलब्ध कराया जाए। साथ ही, अनाज की मात्रा 5 किलो से बढ़ाकर 7 किलो करने का प्रस्ताव भी रखा गया।

शिक्षा और आदिवासी कल्याण

मंत्री सुदिव्य कुमार ने बताया कि राज्य में प्राथमिक स्तर पर ड्रॉपआउट दर लगभग शून्य हो गई है। उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए बिरसा मुंडा विश्वविद्यालय की स्थापना और मैट्रिक पास युवाओं को स्वरोजगार के लिए बैंकों से आसान ऋण दिलाने की योजना पर कार्य होगा।

नवाचार: महुआ और जीआई टैगिंग

विशेषज्ञों ने झारखंड के महुआ की क्षमता को पहचानते हुए इसे गोवा की 'फैनी' की तरह ब्रांड करने का सुझाव दिया। साथ ही, राज्य की पारंपरिक कला, हस्तशिल्प और मक्का-मशरूम की जीआई टैगिंग (GI Tagging) के लिए एक समर्पित पोर्टल बनाने पर सहमति बनी।

बजट गोष्ठी के 5 क्रांतिकारी सुझाव

क्षेत्र मुख्य प्रस्ताव

खाद्य सुरक्षा PDS में मिलेट्स और दाल शामिल करना, ग्रीन कार्ड का दायरा बढ़ाना।

ऊर्जा अगले 10 वर्षों के लिए 'ग्रीन एनर्जी' रोडमैप तैयार करना।

रोजगार युवाओं को स्वरोजगार के लिए बैंकों से सुलभ ऋण (Sovereign Guarantee)।

संस्कृति आदिवासी भाषाओं में साइंस की पढ़ाई और महुआ की ब्रांडिंग।

सुरक्षा महिलाओं और बच्चों की 'चाइल्ड ट्रैफिकिंग' रोकने के लिए सख्त प्रावधान।

राष्ट्रीय स्टार्टअप दिवस' की पूर्व संध्या पर स्टार्टअप की अवधारणा की प्रगति, भविष्य में इसके दायरे और भारत में स्टार्टअप के 10 वर्षों के सफर



पटना मैनेजमेंट एसोसिएशन ने 'राष्ट्रीय स्टार्टअप दिवस' की पूर्व संध्या पर स्टार्टअप की अवधारणा की प्रगति, भविष्य में इसके दायरे और भारत में स्टार्टअप के 10 वर्षों के सफर पर गहन चर्चा के लिए एक कार्यक्रम का आयोजन किया। कार्यक्रम का आयोजन भार्गव हाउस, रोड नंबर 6, राजेंद्रनगर, पटना 800016 (समाज कल्याण समिति के सामने) में दोपहर 3 बजे से हुआ। पीएमए के सचिव इंजीनियर एम. के. दास ने अतिथियों का स्वागत किया और पीएमए के अध्यक्ष अधिवक्ता बसंत कुमार सिन्हा ने विषय का परिचय दिया। 'लेडी फेयर' के श्री ऋषिरंजन कुमार ने बताया कि कैसे उनके स्टार्टअप ने बिहार भर की ब्यूटीशियनों को नेटवर्क से जोड़कर उनके लिए आजीविका के अवसर खोले हैं। श्री हर्ष कुमार ने अस्पताल प्रबंधन में अपने स्टार्टअप की सफलता की कहानी सुनाई। आई-ज्ञान एआई के निदेशक अक्षय श्रीवास्तव ने बताया कि कैसे उनका स्टार्टअप 'स्कूल शिक्षण' में एआई का उपयोग कर रहा है। पीएमए के प्रख्यात सदस्यों और अतिथियों, श्री राजीव भार्गव, डॉ. ए. के. वर्मा, डॉ. नीलेश नारायण, श्री शांतनु प्रसाद, डेयरी विशेषज्ञ श्री महेश्वर प्रसाद और डॉ. अनिल कुमार प्रसाद ने भारत में स्टार्टअप्स के 10 वर्षों के सफर और आगे की राह के बारे में सभा को संबोधित किया।
महाराष्ट्र नगर निगम चुनाव की जीत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति बढ़ते विश्वास की जीत है....आदित्य साहू

भाजपा प्रदेश कार्यालय में आज महाराष्ट्र नगर निगम चुनाव में भाजपा एनडीए की ऐतिहासिक जीत हुई। आज महाराष्ट्र की जनता ने राष्ट्रविरोधी , तुष्टीकरण की मानसिकता को पराजित किया है, और राष्ट्रवादी विकासोन्मुख सोच वाले लोगों को प्रचंड जीत दिलाई है।

भाजपा प्रदेश कार्यालय में आज जीत की खुशी में ढोल बाजों की थाप पर पटाखे छोड़ कर और मिठाइयां बांट कर खुशियां मनाई गई। इस अवसर पर पार्टी के प्रदेश और रांची महानगर के सैकड़ों कार्यकर्ता शामिल हुए।

मीडिया से बात करते हुए प्रदेश अध्यक्ष एवम सांसद आदित्य साहू ने महाराष्ट्र की जनता को और पार्टी के कार्यकर्ताओं को बधाई एवं शुभकामनाएं दी।

श्री साहू ने कहा कि यह जीत ऐतिहासिक है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के कुशल नेतृत्व में विकसित भारत का रथ लगातार दौड़ रहा। विकसित भारत केलिए गांव और शहर दोनों को सजाने संवारने की जरूरत है।आज देश प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में तेजी से आगे बढ़ रहा है।

कहा कि यह एतिहासिक जीत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के प्रति जनता के बढ़ते विश्वास की जीत है।

श्री साहू ने कहा कि विकास केलिए झारखंड की जनता तरस रही है। आनेवाले दिनों में भाजपा बंगाल और असम विधानसभा चुनाव को भी जीतेगी साथ ही झारखंड के निकाय चुनाव में भी भाजपा कार्यकर्ता ही परचम लहराएंगे।

कहा कि झारखंड नगर निकाय की जनता हेमंत सरकार से ऊब चुकी है।

पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने खुशी का इजहार करते हुए कहा कि आज देश में जनता विकास चाहती है। विकास से ही विकसित भारत बनेगा।

कहा कि यह विकास का सपना भाजपा और एनडीए ही कर सकती है यह जनता समझ चुकी है।सबका साथ सबका विकास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संकल्प है।

प्रदेश संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह ने कहा कि पूरे देश में भगवा लहर है। जनता अब कांग्रेस और विपक्षी पार्टियों को मौका नहीं देना चाहती है। जनता का भरोसा भाजपा पर लगातार बढ़ रहा है।

कार्यक्रम में पार्टी के मुख्य सचेतक नवीन जायसवाल,विधायक सीपी सिंह,प्रदेश मंत्री गणेश मिश्र, सरोज सिंह ,हेमंत दास, शिवपूजन पाठक,वरुण साहू,अशोक बड़ाइक ,सीमा सिंह,सत्यनारायण सिंह, मनोज मिश्रा, बलराम सिंह, जितेंद्र वर्मा, सुबोध सिंह गुड्डू, संदीप वर्मा, रमेश सिंह, मुकेश मुक्ता, कृपाशंकर सिंह, हरबिंदर सिंह बेदी, दिन दयाल वर्णवाल, राजेंद्र केशरी, ऊषा पांडेय, संजय जयसवाल, मदन सिंह, रोशनी खलखो, लक्ष्मी चंद्र दीक्षित, राजू सिंह, अनीता वर्मा, संजीव चौधरी, सुरेश प्रसाद, वीणा मिश्रा, पूनम जयसवाल, विकास रवि, देवेंद्र शर्मा, सोनू सिंह, विश्वजीत सिंह, तरुण जयसवाल, अश्विनी सीखुजा, नयन परमार, रोमित सिंह, पायल सोनी, प्रकाश साहू, राकेश शर्मा, रवि मुंडा ओम प्रकाश पांडे, अशोक मिश्रा, उमेश यादव, कुंदन सिंह, सुजीत शर्मा, विशाल अग्रवाल, अमित यादव, विशाल साहू, उमेश तिवारी, सुप्रिया दुबे, अशोक मुंडा, पवन पासवान सहित सैकड़ों कार्यकर्ता शामिल रहे।

सीता हरण का प्रसंग सुनकर श्रोता मंत्र मुग्ध हुए
फर्रुखाबाद। गायत्री प्रज्ञा पीठ मेरापुर में हो रही नौ दिवसीय श्री रामकथा के अष्टम दिवस की कथा में आचार्य मनोज अवस्थी जी महाराज ने सीता हरण का प्रसंग सुनाते हुए बताया कि रामायण में माता सीता का हरण केवल एक अपहरण की घटना नहीं थी, बल्कि इसी प्रसंग से धर्म और अधर्म के बीच होने वाले महासंग्राम की नींव पड़ी। आमतौर पर माना जाता है कि रावण ने यह कृत्य अपनी बहन शूर्पणखा के अपमान का बदला लेने के लिए किया था लेकिन वास्तविकता इससे कहीं अधिक गूढ़ और रहस्यमयी है। रावण केवल एक शक्तिशाली राजा ही नहीं, बल्कि महान विद्वान और भविष्य को भांपने वाला तपस्वी भी था। उसके निर्णयों के पीछे क्रोध के साथ-साथ मोक्ष की लालसा और अहंकार की छाया भी मौजूद थी। कथाओं के अनुसार, रावण ने कठोर तप कर भगवान शिव को प्रसन्न किया और उनसे वरदान में देवी पार्वती को मांग लिया। उसके मन में यह भाव था कि जब वह जगत पिता शिव का प्रिय बन सकता है, तो जगत माता की सेवा कर वह उनका भी कृपापात्र बन जाएगा। रावण का उद्देश्य देवी पार्वती को लंका ले जाकर वहां प्रतिष्ठित करना था।

भगवान शिव अपने वचन से बंधे हुए थे, इसलिए उन्होंने देवी पार्वती को रावण के साथ जाने की अनुमति दे दी। देवी पार्वती अनिच्छा से कैलाश से लंका की ओर चलीं और मार्ग में रावण को कई बार समझाने का प्रयास किया, लेकिन अपनी हठ और लक्ष्य में डूबा रावण कुछ भी सुनने को तैयार नहीं था।

जब देवी पार्वती को कोई उपाय न सूझा, तब उन्होंने भगवान विष्णु का स्मरण किया। स्थिति की गंभीरता को समझते हुए भगवान विष्णु ने एक साधारण व्यक्ति का रूप धारण कर रावण से प्रश्न किया कि यदि वह वास्तव में जगत जननी हैं, तो क्या भगवान शिव उन्हें इतनी सहजता से सौंप देते। इस बात ने रावण के मन में संदेह पैदा कर दिया।

संदेह के कारण रावण देवी को वापस कैलाश ले गया और शिव से वास्तविक देवी की मांग की। शिव ने स्पष्ट किया कि जिसे वह ले गया था वही असली देवी थीं, लेकिन विष्णु की माया के कारण रावण सत्य को पहचान नहीं पाया। अंततः शिव ने उसे देवी पार्वती का एक छाया स्वरूप प्रदान किया। जब रावण उस छाया देवी को लंका ले गया और रात्रि में उनकी पूजा की, तब उसे अनुभव हुआ कि यह वास्तविक देवी नहीं हैं क्योंकि वे अदृश्य हो गईं। तब रावण को यह आभास हुआ कि उसके साथ छल हुआ है और ध्यान के माध्यम से उसने जान लिया कि यह लीला भगवान विष्णु की थी। इस छल से क्रोधित होकर रावण ने एक भयानक प्रतिज्ञा ली। उसने अपने तपोबल का उपयोग कर यह प्रण किया कि वह देवी शक्ति को तो लंका में स्थापित नहीं कर सका, लेकिन भविष्य में भगवान विष्णु के ही लक्ष्मी स्वरूप को लंका में अवश्य लाएगा। यही कारण था कि बाद में माता सीता, जो लक्ष्मी का अवतार थीं, कुछ समय के लिए रावण की लंका में विराजमान रहीं।

आज की कथा में मुख्य रूप से दिल्ली से पधारे समकालीन चौथी दुनिया के संम्पादक प्रवीण चौहान, प्रबंध संपादक डॉ अजिता भदौरिया, उप जिलाधिकारी भोगाव संध्या शर्मा, तहसीलदार भोगाव गौरव अग्रवाल  उपस्थित रहे।
सांस्कृतिक कार्यक्रम में जन जागरूकता कार्यक्रम हुआ आयोजित
फर्रुखाबाद l जिला गंगा समिति के तत्वाधान मे  मेला श्रीरामनगरिया के सांस्कृतिक पंडाल में गंगा गोष्ठी, सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं जन जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। जिला परियोजना अधिकारी निहारिका पटेल के निर्देशन में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता महन्त ईश्वरदास महाराज जी ने की। कार्यक्रम में गंगा ग्राम से आये  युवाओं एवं अन्य युवाओं ने प्रतिभाग किया। युवाओं ने नुक्कड़ नाटक, नृत्य, गीत एवं भाषण के माध्यम से गंगा संरक्षण एवं पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।

जिला परियोजना अधिकारी निहारिका पटेल ने कहा कि आधुनिक युग में हम सभी आगे बढ़ रहे हैं परंतु कहीं न कहीं हम प्रकृति का दोहन कर रहे हैं।हम सभी प्रतिदिन कई माध्यमों से प्रदूषण का उत्पादन करते हैं जिसके जरिए पर्यावरण को नुक़सान पहुंचता है। हम सभी को प्रयास करना चाहिए कि ऐसा उपयोग करना चाहिए जिससे प्रदूषण कम हो। पालिथीन का प्रयोग नही करना चाहिए। कपड़े व कागज के थैले का प्रयोग करना चाहिए। गंगा नदी में एवं अन्य नदियों में किसी भी प्रकार की अपशिष्ट वस्तुएं नहीं विसर्जित करनी चाहिए। मेला श्रीराम नगरिया में आए हुए श्रद्धालुओं को भी जागरूक किया। महंत ईश्वरदास महाराज जी ने जागरूक करते हुए कहा कि अपनी संस्कृति,अपना पर्यावरण को बचाने का प्रयास करना चाहिए।हमें अपने  जल,जगंल,जमीन को संरक्षित करना  चाहिए।अपनी आने वाली पीढ़ी  को भी इसके लिए शिक्षित करना चाहिए । कार्यक्रम में राष्ट्रपति सम्मान से पुरस्कृत भारती मिश्रा, जिला युवा अधिकारी शिखर रस्तोगी,जिला गंगा विचार मंच के संयोजक भूपेंद्र प्रताप सिंह, पर्यावरण सहायक गुंजा जैन आदि ने भी अपने विचार प्रस्तुत किये। कार्यक्रम में उत्कृष्ट प्रस्तुति करने वाले  युवाओं को प्रमाण पत्र व स्मृति चिन्ह देकर पुरस्कार किया गया। कार्यक्रम में नमामि गंगे परियोजना के अंतर्गत संचालित कार्यक्रमों की डॉक्यूमेंट्री भी दिखाई गई।

इस अवसर पर जिला विद्यालय निरीक्षक नरेंद्र पाल सिंह, जिला पर्यटन अधिकारी श्रीमती दीप्ति वत्स, प्रशिक्षक रोहित दीक्षित,जिला स्काउट मास्टर सुधीर कुशवाहा एवं अन्य अधिकारी गण उपस्थित रहे। संचालन वैभव सोमवंशी ने किया।कार्यक्रम में गंगा योद्धा सुमित कुमार, मीना कटियार,दीक्षा, दिव्या,अस्मित, रचना, घनश्याम,वैभव,विकास आदि ने सहयोग किया।
अग्निवेश अग्रवाल के आकस्मिक निधन पर अग्रसेन अग्रवाल समाज ने आयोजित की भावपूर्ण शोक सभा

संजय द्विवेदी प्रयागराज।अग्रसेन अग्रवाल समाज प्रयागराज द्वारा वेदान्ता समूह के चेयरमैन भामाशाह अनिल अग्रवाल के सुपुत्र अग्निवेश अग्रवाल (आयु 49 वर्ष) के दिनांक 7 जनवरी 2026 को हुए आकस्मिक निधन पर आज सायं होटल नवीन कॉन्टिनेंटल प्रयागराज में एक आपात शोक सभा का आयोजन किया गया।शोक सभा का शुभारम्भ दिवंगत आत्मा की शांति हेतु दो मिनट के मौन के साथ किया गया।इस अवसर पर समाज के वरिष्ठ पदाधिकारी गणमान्य सदस्य अग्रवाल महिला मंडल एवं अग्रवाल युवा मंडल के पदाधिकारी एवं सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।सभी ने दिवंगत अग्निवेश अग्रवाल के असमय निधन को समाज एवं उद्योग जगत के लिए एक अपूरणीय क्षति बताया।सभा को सम्बोधित करते हुए समाज के अध्यक्ष पीयूष रंजन अग्रवाल ने कहा कि अग्निवेश अग्रवाल का जीवन सादगी विनम्रता और समाज के प्रति समर्पण का प्रतीक था तथा उनका असमय जाना पूरे अग्रवाल समाज के लिए अत्यंत दुःखद है।महामंत्री अभिषेक मित्तल ने कहा कि दिवंगत अग्निवेश अग्रवाल के विचार एवं मूल्य आने वाली पीढ़ियो के लिए सदैव प्रेरणास्रोत बने रहेंगे।वरिष्ठ उपाध्यक्ष मनोज अग्रवाल ने कहा कि उनके निधन से समाज में जो रिक्तता उत्पन्न हुई है उसकी भरपाई संभव नही है।भानु प्रकाश अग्रवाल (पूर्व अध्यक्ष)ने कहा कि अग्निवेश अग्रवाल का व्यक्तित्व अत्यंत सरल एवं प्रेरणादायक था और समाज के प्रति उनका समर्पण सदैव स्मरणीय रहेगा। डॉ.बी.बी. अग्रवाल ने अपने संक्षिप्त वक्तव्य में कहा कि यह घटना केवल एक परिवार ही नही बल्कि सम्पूर्ण समाज के लिए गहरा आघात है।शोक सभा में समाज के वरिष्ठ सदस्य हरिश्चन्द्र अग्रवाल (बिल्लू भैया) प्रमय मित्तल सहित अनेक गणमान्यजन उपस्थित रहे।अग्रवाल युवा मण्डल से अध्यक्ष अभिनव अग्रवाल महामंत्री वैभव गोयल एवं वरिष्ठ उपाध्यक्ष आशुतोष गोयल साथ ही अंशु अग्रवाल सौरभ अग्रवाल एवं अंकित अग्रवाल भी शोक सभा में शामिल हुए। इस अवसर पर युवा मंडल अध्यक्ष अभिनव अग्रवाल ने कहा कि अग्निवेश अग्रवाल का जीवन युवाओ के लिए प्रेरणादायक था और उनके विचार सदैव समाजसेवा की दिशा दिखाते रहेंगे।इसके अतिरिक्त इस अवसर पर विशाल अग्रवाल आलोक अग्रवाल आशीष गोयल कृषाणु बंसल अनुप अग्रवाल विनिता अग्रवाल नितिन अग्रवाल संदीप अग्रवाल डॉ.बी.बी.अग्रवाल तुषार गुप्ता आदेश गोयल दीप्ति गुप्ता डॉ.कीर्ति अग्रवाल आशीष अग्रवाल मुकेश अग्रवाल एवं आयुष अग्रवाल भी उपस्थित रहे।सभा के अंत में सभी उपस्थित समाजजनों ने ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करे तथा शोक संतप्त परिवार को इस दुःख की घड़ी में धैर्य एवं शक्ति प्रदान करे।

वंदे मातरम चित्रकला कार्यशाला का भव्य उद्घाटन न्यायमूर्ति सुधीर नारायण के कर कमलो से

कलाकार रवीन्द्र कुशवाहा के संयोजन में राज्य ललित कला अकादमी की वंदे मातरम कला कार्यशाला 17 जनवरी को

संजय द्विवेदी प्रयागराज।विख्यात चित्रकार रवीन्द्र कुशवाहा के संयोजन में राज्य ललित कला अकादमी उत्तर प्रदेश संस्कृति विभाग द्वारा आयोजित उत्तर प्रदेश दिवस के अतर्गत राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष में वंदे मातरम पर आधारित चित्रांकन हेतु तीन दिवसीय वंदे मातरम कला कार्यशाला का भव्य उद्घाटन न्यायमूर्ति सुधीर नारायण संस्कार भारती पण्डाल किला चौराहा माघमेला शिविर में 17 जुलाई 2026 को करेगे। विशिष्ट अतिथि उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केन्द्र के निदेशक सुदेश शर्मा तथा संस्कार भारती प्रयागराज महानगर की अध्यक्ष डॉ ज्योति मिश्रा होगी तथा संस्कार भारती के महामंत्री विभव शंकर मिश्रा कलाकारो का उत्साह वर्धन करेंगे।इस कला कार्यशाला के मेंटोर इलाहाबाद विश्वविद्यालय के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ सचिन सैनी के निर्देशन में चित्रकार शुभम कुशवाहा सौरभ सोनी सर्वेश पटेल प्रिया सिंह एवं युग सिंह वंदे मातरम थीम पर 15 मीटर लम्बे कैनवास पर भावपूर्ण चित्रण करते हुए अपनी कला का जलवा बिखेरेगे।उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा उत्तर प्रदेश दिवस पर 24 जनवरी 2026 को राजधानी लखनऊ में यह चित्र प्रदर्शित होंगे।राज्य ललित कला अकादमी के अध्यक्ष डॉ सुनील विश्वकर्मा उपाध्यक्ष गिरीशचद्र मिश्र व निदेशक अमित कुमार अग्निहोत्री का संयोजक रवीन्द्र कुशवाहा ने आभार व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य सरकार के इस देश भक्तिपूर्ण कार्यक्रम को निष्ठापूर्वक अंजाम देने के लिए राज्य ललित कला अकादमी ने रवीन्द्र कुशवाहा पर पूर्ण विश्वास जताया है।इस शुभ अवसर पर संस्कार भारती के सभी पदाधिकारी है वह कार्यकर्ता मौजूद रहेगे।

मौनी अमावस्या स्नान पर्व के दृष्टिगत मण्डलायुक्त सौम्या अग्रवाल एवं पुलिस आयुक्त जोगेन्द्र कुमार के निर्देशन में ब्रीफिंग

संजय द्विवेदी प्रयागराज।माघ मेला–2026 में आगामी मौनी अमावस्या स्नान पर्व को सुरक्षित सुव्यवस्थित एवं सुगम रूप से सम्पन्न कराए जाने के उद्देश्य से रिज़र्व पुलिस लाइन्स माघ मेला स्थित तीर्थराज सभागार में मण्डलायुक्त प्रयागराज सौम्या अग्रवाल एवं पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट प्रयागराज जोगेन्द्र कुमार की संयुक्त अध्यक्षता में मेला क्षेत्र में विभिन्न विभागो इकाइयो के अधिकारियों के साथ समीक्षा एवं ब्रीफिंग आयोजित की गई।नीरज कुमार पाण्डेय पुलिस अधीक्षक माघ मेला द्वारा बैठक में निर्देशित किया गया कि स्नान घाटो तक आने-जाने के मार्गो पर प्रवेश निकास रूट का स्पष्ट प्रदर्शन सुनिश्चित किया गया है ताकि श्रद्धालुओ को मार्गदर्शन मिल सके और अनावश्यक भ्रम जाम की स्थिति न बने।साथ ही अलग-अलग दिशाओं से आने वाले वाहनों के लिए निर्धारित पार्किंग व्यवस्था एवं डायवर्जन पॉइंट्स पर पुलिस बल को सतर्क रहते हुए वाहनो को व्यवस्थित रूप से भेजने के निर्देश दिए गए।भीड़ नियंत्रण हेतु बताया गया कि आई सी सी सी द्वारा एआई सक्षम सीसीटीवी के माध्यम से रियल-टाइम डेंसिटी मॉनिटरिंग की जा रही है।आवश्यकता पड़ने पर पूर्वनिर्धारित क्राउड मैनेजमेंट स्कीम्स डायवर्जन प्लान लागू कर भीड़ को वैकल्पिक मार्गो एवं घाटो की ओर नियंत्रित किया जाएगा। डॉ0 अजय पाल शर्मा अपर पुलिस आयुक्त(कानून एवं व्यवस्था)द्वारा आपात स्थिति में त्वरित समन्वय हेतु वायरलेस संचार प्रणाली एवं सैटेलाइट फोन की व्यवस्था को प्रभावी रखने के निर्देश दिए गए।साथ ही संवेदनशील क्षेत्रो में रस्सो बैरीकेटिंग संसाधनो की उपलब्धता तथा किसी भी वाहन के ब्रेकडाउन जाम की स्थिति में रिकवरी क्रेन व्यवस्था सक्रिय रखने के लिए निर्देशित किया गया।बैठक में घाटो पर अनावश्यक रुकावट न होने देने घाटो के किनारे दुकानदारो वेन्डर्स भिक्षुको की अनधिकृत मौजूदगी नियंत्रित करने तथा भीड़ बढ़ने की स्थिति में भण्डारे प्रसाद वितरण के संचालन को नियंत्रित अस्थायी रूप से बंद कराने हेतु भी सम्बंधित अधिकारियो को निर्देशित किया गया।फायर सेफ्टी एवं इलेक्ट्रिकल सेफ्टी के दृष्टिगत संवेदनशील स्थानों पर निरीक्षण एवं जागरूकता बढ़ाने पर भी विशेष बल दिया गया।जोगेन्द्र कुमार पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट प्रयागराज द्वारा बैठक में निर्देशित किया गया कि रिक्रूट कर्मियो को अकेले ड्यूटी प्वाइन्ट पर न छोड़ा जाए तथा नियमित कर्मियों के साथ समन्वय में ड्यूटी कराई जाए।प्रत्येक ड्यूटी प्वाइंट पर अधिकतम सतर्कता एवं उत्तरदायित्व सुनिश्चित करने हेतु अधिकारियो को अपने अधीनस्थ कर्मियो से प्रभावी आउटपुट लेने तथा नियमित रूप से फील्ड निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए।सभी अधिकारियो कर्मचारियो को निर्देशित किया गया कि दिनांक 17.01.2026 की शाम से 18.01.2026 की शाम तक अगले 24 घंटे अत्यन्त महत्वपूर्ण हैं।इस अवधि में सभी संबंधित अधिकारी अपने- अपने कार्यक्षेत्र में लगातार उपस्थित रहकर निर्धारित योजनाओ के अनुसार ड्यूटी संपादित करेगे।बैठक में भीड़ प्रबन्धन यातायात नियंत्रण स्नान घाटो की सुरक्षा आपातकालीन स्कीम एवं संचार व्यवस्था को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश दिए गए।सौम्या अग्रवाल मण्डलायुक्त प्रयागराज द्वारा स्नान पर्व के दौरान व्यवस्थाओ को प्रभावी बनाए रखने हेतु अतिक्रमण हटाने/नो व्हीकल जोन सुनिश्चित करने तथा मार्गों को पूरी तरह क्लियर रखने के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए गए।अतिक्रमण हटाने हेतु ट्रैक्टर-ट्रॉली एवं पर्याप्त बल की व्यवस्था कर कार्रवाई को लगातार जारी रखने पर जोर दिया गया ताकि निकासी मार्ग बाधित न हो।इस अवसर पर अपर पुलिस आयुक्त डॉ.अजय पाल शर्मा अपर पुलिस आयुक्त विजय ढुल जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा मेलाधिकारी ऋषि राज पुलिस अधीक्षक माघ मेला नीरज कुमार पाण्डेय पुलिस उपायुक्त नगर मनीष कुमार पुलिस उपायुक्त गंगापार कुलदीप गुनावत पुलिस उपायुक्त यमुनापार विवेक कुमार सहित पुलिस प्रशासन एवं अन्य इकाइयो के अधिकारीगण उपस्थित रहे।

अरैल घाट सेक्टर–7 में मकर संक्रांति के बाद अमावस्या को लेकर सफाई अभियान जोरो पर

संजय द्विवेदी प्रयागराज। माघ स्नान मकर संक्रांति पर्व के बाद आगामी अमावस्या स्नान को दृष्टिगत रखते हुए श्रद्धालुओं की सुविधा स्वास्थ्य और स्वच्छ वातावरण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से माघ मेला क्षेत्र अन्तर्गत अरैल घाट सेक्टर–7 में गुरुवार को भी व्यापक सफाई अभियान जोर-शोर से जारी रहा।मकर संक्रांति के दौरान विशेष स्वच्छता अभियान चलाए जाने के बाद अब अमावस्या स्नान को लेकर सफाई व्यवस्था और अधिक सुदृढ़ कर दी गई है।घाट सम्पर्क मार्गो स्नान क्षेत्रो और आवासीय स्थलो की नियमित रूप से साफ-सफाई कराई जा रही है।सेक्टर–7 में स्वच्छता की संपूर्ण जिम्मेदारी प्रभारी निरीक्षक धर्मेन्द्र कुमार यादव के निर्देशन में निभाई जा रही है।उन्होंने बताया कि मेला अवधि में श्रद्धालुओ की सुविधा और सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है।मकर संक्रांति के बाद भी सफाई और सेनेटाइजेशन का कार्य लगातार जारी है ताकि अमावस्या स्नान के दौरान आने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो और संक्रामक बीमारियो से बचाव किया जा सके।उन्होने बताया कि सफाईकर्मियो की टीमे अलग-अलग स्थानो पर तैनात की गई हैं, जो 24 घंटे निगरानी रखते हुए स्वच्छता बनाए हुए हैं।विशेष रूप से स्नान घाटो रास्तों और ठहराव स्थलो पर अतिरिक्त सफाई कराई जा रही है। स्थानीय श्रद्धालुओ और कल्पवासियों ने सेक्टर–7 में की जा रही साफ-सफाई व्यवस्था की सराहना की है।

घने कोहरे की चादर से ढका दिल्ली-एनसीआर, धीमी पड़ी रफ्तार*

#densefogdelhincrweather

उत्तर भारत में कड़ाके की ठंड का दौर जारी है। दिल्ली-एनसीआर के हाल और भी खराब हैं। यहां शनिवार सुबह जबरदस्त घना कोहरा छाया रहा। हालात ऐसे थे कि कई इलाकों में विजिबिलिटी लगभग शून्य तक पहुंच गई। सड़कों पर चलना मुश्किल हो गया, वहीं गाड़ी चलाने वालों को धीमी रफ्तार में सफर करना पड़ा।

प्रदूषण ने भी बढ़ाई परेशानी

दिल्ली-एनसीआर में घने कोहरे के साथ-साथ प्रदूषण ने भी एनसीआर की परेशानी बढ़ा दी है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति (डीपीसीसी), यूपीपीसीबी (यूपीपीसीबी) और आईएमडी के आंकड़ों के मुताबिक एनसीआर के कई इलाकों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) गंभीर श्रेणी में पहुंच गया है।

ठंड और कोहरे की मार

मौसम विभाग के अनुसार, आज न्यूनतम तापमान 3-5 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है, जिससे ठंड और कोहरे की मार और बढ़ गई है। मौसम विज्ञान विभाग मुताबिक उत्तर भारत में कोल्ड वेव अब धीरे-धीरे कमजोर पड़ रही है। लेकिन कोहरा अभी भी बड़ी चुनौती बना हुआ है।

हल्की बारिश की भी संभावना

पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है। इसका असर पहाड़ों से लेकर मैदानों तक दिखेगा। आने वाले पांच दिनों में कहीं घना कोहरा छाया रहेगा। कहीं हल्की बारिश की संभावना है। तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होगी। लेकिन सुबह और रात की ठंड अभी परेशान करेगी।

17 से 22 जनवरी के बीच कैसा रहेगा मौसम

मौसम विभाग के अनुसार 17 से 22 जनवरी के बीच उत्तर भारत के कई राज्यों में मौसम बदलता रहेगा। पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में सुबह के समय घना बना रह सकता है। न्यूनतम तापमान भले ही 2 से 4 डिग्री बढ़े, लेकिन ठंड का असर बना रहेगा। कुछ इलाकों में कोल्ड डे कंडीशंस भी दर्ज की जा सकती हैं।

अबुआ दिशोम बजट 2026-27: 'आम आदमी' के सुझावों से सजेगा झारखंड का बजट, मिलेट्स और महुआ की ब्रांडिंग पर जोर।

रांची: झारखंड सरकार के आगामी 'अबुआ दिशोम बजट 2026-27' को लेकर आयोजित दो दिवसीय बजट पूर्व गोष्ठी शुक्रवार को संपन्न हो गई। वित्त मंत्री श्री राधाकृष्ण किशोर ने स्पष्ट किया कि इस बार का बजट पूरी तरह लोकतांत्रिक होगा और जनता की उम्मीदों को ध्यान में रखकर बनाया जाएगा।

वित्त एवं राजस्व: टैक्स और सुधार

वित्त मंत्री ने राजस्व संग्रह बढ़ाने और टैक्स प्रणाली में सुधार पर जोर दिया। उन्होंने सुझाव दिया कि असंगठित ठेकेदारों और ट्रांसपोर्टरों को जीएसटी के दायरे में लाया जाए और टैक्स विसंगतियों को दूर करने के लिए 'माफी योजना' लाई जाए।

स्वास्थ्य क्षेत्र: कैंसर और आधुनिक तकनीक

स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने हेल्थ सेक्टर को अंतरराष्ट्रीय मानकों पर लाने का संकल्प दोहराया। गोष्ठी में महिलाओं में बढ़ते ब्रेस्ट कैंसर की रोकथाम के लिए सभी मेडिकल कॉलेजों और सदर अस्पतालों में मैमोग्राफी मशीन की स्थापना और विशेषज्ञों की नियुक्ति का सुझाव प्रमुख रहा। रिम्स-2 और सभी जिलों में 10 आईसीयू बेड की सुविधा पर भी चर्चा हुई।

कृषि एवं खाद्य सुरक्षा: मिलेट्स और पीडीएस

खाद्य आपूर्ति विभाग को सुझाव दिया गया कि राशन कार्ड (PDS) के जरिए केवल अनाज ही नहीं, बल्कि मिलेट्स (मोटा अनाज), दाल, सरसों तेल और अंडा भी उपलब्ध कराया जाए। साथ ही, अनाज की मात्रा 5 किलो से बढ़ाकर 7 किलो करने का प्रस्ताव भी रखा गया।

शिक्षा और आदिवासी कल्याण

मंत्री सुदिव्य कुमार ने बताया कि राज्य में प्राथमिक स्तर पर ड्रॉपआउट दर लगभग शून्य हो गई है। उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए बिरसा मुंडा विश्वविद्यालय की स्थापना और मैट्रिक पास युवाओं को स्वरोजगार के लिए बैंकों से आसान ऋण दिलाने की योजना पर कार्य होगा।

नवाचार: महुआ और जीआई टैगिंग

विशेषज्ञों ने झारखंड के महुआ की क्षमता को पहचानते हुए इसे गोवा की 'फैनी' की तरह ब्रांड करने का सुझाव दिया। साथ ही, राज्य की पारंपरिक कला, हस्तशिल्प और मक्का-मशरूम की जीआई टैगिंग (GI Tagging) के लिए एक समर्पित पोर्टल बनाने पर सहमति बनी।

बजट गोष्ठी के 5 क्रांतिकारी सुझाव

क्षेत्र मुख्य प्रस्ताव

खाद्य सुरक्षा PDS में मिलेट्स और दाल शामिल करना, ग्रीन कार्ड का दायरा बढ़ाना।

ऊर्जा अगले 10 वर्षों के लिए 'ग्रीन एनर्जी' रोडमैप तैयार करना।

रोजगार युवाओं को स्वरोजगार के लिए बैंकों से सुलभ ऋण (Sovereign Guarantee)।

संस्कृति आदिवासी भाषाओं में साइंस की पढ़ाई और महुआ की ब्रांडिंग।

सुरक्षा महिलाओं और बच्चों की 'चाइल्ड ट्रैफिकिंग' रोकने के लिए सख्त प्रावधान।

राष्ट्रीय स्टार्टअप दिवस' की पूर्व संध्या पर स्टार्टअप की अवधारणा की प्रगति, भविष्य में इसके दायरे और भारत में स्टार्टअप के 10 वर्षों के सफर



पटना मैनेजमेंट एसोसिएशन ने 'राष्ट्रीय स्टार्टअप दिवस' की पूर्व संध्या पर स्टार्टअप की अवधारणा की प्रगति, भविष्य में इसके दायरे और भारत में स्टार्टअप के 10 वर्षों के सफर पर गहन चर्चा के लिए एक कार्यक्रम का आयोजन किया। कार्यक्रम का आयोजन भार्गव हाउस, रोड नंबर 6, राजेंद्रनगर, पटना 800016 (समाज कल्याण समिति के सामने) में दोपहर 3 बजे से हुआ। पीएमए के सचिव इंजीनियर एम. के. दास ने अतिथियों का स्वागत किया और पीएमए के अध्यक्ष अधिवक्ता बसंत कुमार सिन्हा ने विषय का परिचय दिया। 'लेडी फेयर' के श्री ऋषिरंजन कुमार ने बताया कि कैसे उनके स्टार्टअप ने बिहार भर की ब्यूटीशियनों को नेटवर्क से जोड़कर उनके लिए आजीविका के अवसर खोले हैं। श्री हर्ष कुमार ने अस्पताल प्रबंधन में अपने स्टार्टअप की सफलता की कहानी सुनाई। आई-ज्ञान एआई के निदेशक अक्षय श्रीवास्तव ने बताया कि कैसे उनका स्टार्टअप 'स्कूल शिक्षण' में एआई का उपयोग कर रहा है। पीएमए के प्रख्यात सदस्यों और अतिथियों, श्री राजीव भार्गव, डॉ. ए. के. वर्मा, डॉ. नीलेश नारायण, श्री शांतनु प्रसाद, डेयरी विशेषज्ञ श्री महेश्वर प्रसाद और डॉ. अनिल कुमार प्रसाद ने भारत में स्टार्टअप्स के 10 वर्षों के सफर और आगे की राह के बारे में सभा को संबोधित किया।
महाराष्ट्र नगर निगम चुनाव की जीत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति बढ़ते विश्वास की जीत है....आदित्य साहू

भाजपा प्रदेश कार्यालय में आज महाराष्ट्र नगर निगम चुनाव में भाजपा एनडीए की ऐतिहासिक जीत हुई। आज महाराष्ट्र की जनता ने राष्ट्रविरोधी , तुष्टीकरण की मानसिकता को पराजित किया है, और राष्ट्रवादी विकासोन्मुख सोच वाले लोगों को प्रचंड जीत दिलाई है।

भाजपा प्रदेश कार्यालय में आज जीत की खुशी में ढोल बाजों की थाप पर पटाखे छोड़ कर और मिठाइयां बांट कर खुशियां मनाई गई। इस अवसर पर पार्टी के प्रदेश और रांची महानगर के सैकड़ों कार्यकर्ता शामिल हुए।

मीडिया से बात करते हुए प्रदेश अध्यक्ष एवम सांसद आदित्य साहू ने महाराष्ट्र की जनता को और पार्टी के कार्यकर्ताओं को बधाई एवं शुभकामनाएं दी।

श्री साहू ने कहा कि यह जीत ऐतिहासिक है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के कुशल नेतृत्व में विकसित भारत का रथ लगातार दौड़ रहा। विकसित भारत केलिए गांव और शहर दोनों को सजाने संवारने की जरूरत है।आज देश प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में तेजी से आगे बढ़ रहा है।

कहा कि यह एतिहासिक जीत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के प्रति जनता के बढ़ते विश्वास की जीत है।

श्री साहू ने कहा कि विकास केलिए झारखंड की जनता तरस रही है। आनेवाले दिनों में भाजपा बंगाल और असम विधानसभा चुनाव को भी जीतेगी साथ ही झारखंड के निकाय चुनाव में भी भाजपा कार्यकर्ता ही परचम लहराएंगे।

कहा कि झारखंड नगर निकाय की जनता हेमंत सरकार से ऊब चुकी है।

पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने खुशी का इजहार करते हुए कहा कि आज देश में जनता विकास चाहती है। विकास से ही विकसित भारत बनेगा।

कहा कि यह विकास का सपना भाजपा और एनडीए ही कर सकती है यह जनता समझ चुकी है।सबका साथ सबका विकास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संकल्प है।

प्रदेश संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह ने कहा कि पूरे देश में भगवा लहर है। जनता अब कांग्रेस और विपक्षी पार्टियों को मौका नहीं देना चाहती है। जनता का भरोसा भाजपा पर लगातार बढ़ रहा है।

कार्यक्रम में पार्टी के मुख्य सचेतक नवीन जायसवाल,विधायक सीपी सिंह,प्रदेश मंत्री गणेश मिश्र, सरोज सिंह ,हेमंत दास, शिवपूजन पाठक,वरुण साहू,अशोक बड़ाइक ,सीमा सिंह,सत्यनारायण सिंह, मनोज मिश्रा, बलराम सिंह, जितेंद्र वर्मा, सुबोध सिंह गुड्डू, संदीप वर्मा, रमेश सिंह, मुकेश मुक्ता, कृपाशंकर सिंह, हरबिंदर सिंह बेदी, दिन दयाल वर्णवाल, राजेंद्र केशरी, ऊषा पांडेय, संजय जयसवाल, मदन सिंह, रोशनी खलखो, लक्ष्मी चंद्र दीक्षित, राजू सिंह, अनीता वर्मा, संजीव चौधरी, सुरेश प्रसाद, वीणा मिश्रा, पूनम जयसवाल, विकास रवि, देवेंद्र शर्मा, सोनू सिंह, विश्वजीत सिंह, तरुण जयसवाल, अश्विनी सीखुजा, नयन परमार, रोमित सिंह, पायल सोनी, प्रकाश साहू, राकेश शर्मा, रवि मुंडा ओम प्रकाश पांडे, अशोक मिश्रा, उमेश यादव, कुंदन सिंह, सुजीत शर्मा, विशाल अग्रवाल, अमित यादव, विशाल साहू, उमेश तिवारी, सुप्रिया दुबे, अशोक मुंडा, पवन पासवान सहित सैकड़ों कार्यकर्ता शामिल रहे।

सीता हरण का प्रसंग सुनकर श्रोता मंत्र मुग्ध हुए
फर्रुखाबाद। गायत्री प्रज्ञा पीठ मेरापुर में हो रही नौ दिवसीय श्री रामकथा के अष्टम दिवस की कथा में आचार्य मनोज अवस्थी जी महाराज ने सीता हरण का प्रसंग सुनाते हुए बताया कि रामायण में माता सीता का हरण केवल एक अपहरण की घटना नहीं थी, बल्कि इसी प्रसंग से धर्म और अधर्म के बीच होने वाले महासंग्राम की नींव पड़ी। आमतौर पर माना जाता है कि रावण ने यह कृत्य अपनी बहन शूर्पणखा के अपमान का बदला लेने के लिए किया था लेकिन वास्तविकता इससे कहीं अधिक गूढ़ और रहस्यमयी है। रावण केवल एक शक्तिशाली राजा ही नहीं, बल्कि महान विद्वान और भविष्य को भांपने वाला तपस्वी भी था। उसके निर्णयों के पीछे क्रोध के साथ-साथ मोक्ष की लालसा और अहंकार की छाया भी मौजूद थी। कथाओं के अनुसार, रावण ने कठोर तप कर भगवान शिव को प्रसन्न किया और उनसे वरदान में देवी पार्वती को मांग लिया। उसके मन में यह भाव था कि जब वह जगत पिता शिव का प्रिय बन सकता है, तो जगत माता की सेवा कर वह उनका भी कृपापात्र बन जाएगा। रावण का उद्देश्य देवी पार्वती को लंका ले जाकर वहां प्रतिष्ठित करना था।

भगवान शिव अपने वचन से बंधे हुए थे, इसलिए उन्होंने देवी पार्वती को रावण के साथ जाने की अनुमति दे दी। देवी पार्वती अनिच्छा से कैलाश से लंका की ओर चलीं और मार्ग में रावण को कई बार समझाने का प्रयास किया, लेकिन अपनी हठ और लक्ष्य में डूबा रावण कुछ भी सुनने को तैयार नहीं था।

जब देवी पार्वती को कोई उपाय न सूझा, तब उन्होंने भगवान विष्णु का स्मरण किया। स्थिति की गंभीरता को समझते हुए भगवान विष्णु ने एक साधारण व्यक्ति का रूप धारण कर रावण से प्रश्न किया कि यदि वह वास्तव में जगत जननी हैं, तो क्या भगवान शिव उन्हें इतनी सहजता से सौंप देते। इस बात ने रावण के मन में संदेह पैदा कर दिया।

संदेह के कारण रावण देवी को वापस कैलाश ले गया और शिव से वास्तविक देवी की मांग की। शिव ने स्पष्ट किया कि जिसे वह ले गया था वही असली देवी थीं, लेकिन विष्णु की माया के कारण रावण सत्य को पहचान नहीं पाया। अंततः शिव ने उसे देवी पार्वती का एक छाया स्वरूप प्रदान किया। जब रावण उस छाया देवी को लंका ले गया और रात्रि में उनकी पूजा की, तब उसे अनुभव हुआ कि यह वास्तविक देवी नहीं हैं क्योंकि वे अदृश्य हो गईं। तब रावण को यह आभास हुआ कि उसके साथ छल हुआ है और ध्यान के माध्यम से उसने जान लिया कि यह लीला भगवान विष्णु की थी। इस छल से क्रोधित होकर रावण ने एक भयानक प्रतिज्ञा ली। उसने अपने तपोबल का उपयोग कर यह प्रण किया कि वह देवी शक्ति को तो लंका में स्थापित नहीं कर सका, लेकिन भविष्य में भगवान विष्णु के ही लक्ष्मी स्वरूप को लंका में अवश्य लाएगा। यही कारण था कि बाद में माता सीता, जो लक्ष्मी का अवतार थीं, कुछ समय के लिए रावण की लंका में विराजमान रहीं।

आज की कथा में मुख्य रूप से दिल्ली से पधारे समकालीन चौथी दुनिया के संम्पादक प्रवीण चौहान, प्रबंध संपादक डॉ अजिता भदौरिया, उप जिलाधिकारी भोगाव संध्या शर्मा, तहसीलदार भोगाव गौरव अग्रवाल  उपस्थित रहे।
सांस्कृतिक कार्यक्रम में जन जागरूकता कार्यक्रम हुआ आयोजित
फर्रुखाबाद l जिला गंगा समिति के तत्वाधान मे  मेला श्रीरामनगरिया के सांस्कृतिक पंडाल में गंगा गोष्ठी, सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं जन जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। जिला परियोजना अधिकारी निहारिका पटेल के निर्देशन में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता महन्त ईश्वरदास महाराज जी ने की। कार्यक्रम में गंगा ग्राम से आये  युवाओं एवं अन्य युवाओं ने प्रतिभाग किया। युवाओं ने नुक्कड़ नाटक, नृत्य, गीत एवं भाषण के माध्यम से गंगा संरक्षण एवं पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।

जिला परियोजना अधिकारी निहारिका पटेल ने कहा कि आधुनिक युग में हम सभी आगे बढ़ रहे हैं परंतु कहीं न कहीं हम प्रकृति का दोहन कर रहे हैं।हम सभी प्रतिदिन कई माध्यमों से प्रदूषण का उत्पादन करते हैं जिसके जरिए पर्यावरण को नुक़सान पहुंचता है। हम सभी को प्रयास करना चाहिए कि ऐसा उपयोग करना चाहिए जिससे प्रदूषण कम हो। पालिथीन का प्रयोग नही करना चाहिए। कपड़े व कागज के थैले का प्रयोग करना चाहिए। गंगा नदी में एवं अन्य नदियों में किसी भी प्रकार की अपशिष्ट वस्तुएं नहीं विसर्जित करनी चाहिए। मेला श्रीराम नगरिया में आए हुए श्रद्धालुओं को भी जागरूक किया। महंत ईश्वरदास महाराज जी ने जागरूक करते हुए कहा कि अपनी संस्कृति,अपना पर्यावरण को बचाने का प्रयास करना चाहिए।हमें अपने  जल,जगंल,जमीन को संरक्षित करना  चाहिए।अपनी आने वाली पीढ़ी  को भी इसके लिए शिक्षित करना चाहिए । कार्यक्रम में राष्ट्रपति सम्मान से पुरस्कृत भारती मिश्रा, जिला युवा अधिकारी शिखर रस्तोगी,जिला गंगा विचार मंच के संयोजक भूपेंद्र प्रताप सिंह, पर्यावरण सहायक गुंजा जैन आदि ने भी अपने विचार प्रस्तुत किये। कार्यक्रम में उत्कृष्ट प्रस्तुति करने वाले  युवाओं को प्रमाण पत्र व स्मृति चिन्ह देकर पुरस्कार किया गया। कार्यक्रम में नमामि गंगे परियोजना के अंतर्गत संचालित कार्यक्रमों की डॉक्यूमेंट्री भी दिखाई गई।

इस अवसर पर जिला विद्यालय निरीक्षक नरेंद्र पाल सिंह, जिला पर्यटन अधिकारी श्रीमती दीप्ति वत्स, प्रशिक्षक रोहित दीक्षित,जिला स्काउट मास्टर सुधीर कुशवाहा एवं अन्य अधिकारी गण उपस्थित रहे। संचालन वैभव सोमवंशी ने किया।कार्यक्रम में गंगा योद्धा सुमित कुमार, मीना कटियार,दीक्षा, दिव्या,अस्मित, रचना, घनश्याम,वैभव,विकास आदि ने सहयोग किया।