सिगरेट का धुआं फेफड़ों ही नहीं, इन 5 अंगों पर भी करता है वार,धीरे-धीरे कमजोर हो जाते हैं दिल, दिमाग, किडनी और त्वचा
सिगरेट पीना या उसके धुएं के संपर्क में आना सिर्फ फेफड़ों को ही नुकसान नहीं पहुंचाता, बल्कि शरीर के कई अन्य महत्वपूर्ण अंगों को भी प्रभावित करता है। निकोटीन और टार जैसे जहरीले तत्व धीरे-धीरे शरीर के विभिन्न हिस्सों को कमजोर कर देते हैं। आइए जानते हैं कि सिगरेट का धुआं किन प्रमुख अंगों पर बुरा असर डालता है।
1. दिल (हृदय)
सिगरेट का धुआं दिल की सेहत के लिए बेहद खतरनाक होता है। इसमें मौजूद निकोटीन रक्तचाप (ब्लड प्रेशर) और हृदय गति को बढ़ा देता है, जिससे हृदय पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। लंबे समय तक धूम्रपान से हृदय रोग, हार्ट अटैक और स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है।
2. दिमाग
धूम्रपान से दिमाग में ऑक्सीजन की सप्लाई कम हो सकती है, जिससे स्मरण शक्ति और मानसिक संतुलन पर असर पड़ता है। लगातार सिगरेट पीने से ब्रेन स्ट्रोक का खतरा बढ़ सकता है, जिससे लकवा (पैरालिसिस) जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
3. गुर्दे (किडनी)
सिगरेट के धुएं में मौजूद हानिकारक केमिकल्स किडनी को नुकसान पहुंचाते हैं। यह धीरे-धीरे किडनी फेलियर और किडनी कैंसर का खतरा बढ़ा सकते हैं। धूम्रपान रक्तचाप को भी प्रभावित करता है, जो किडनी की कार्यक्षमता पर बुरा असर डालता है।
4. त्वचा
सिगरेट पीने से त्वचा पर झुर्रियां और बेजानपन आ सकता है। धुएं में मौजूद जहरीले तत्व कोलेजन को नुकसान पहुंचाते हैं, जिससे समय से पहले त्वचा बूढ़ी दिखने लगती है। इसके अलावा, धूम्रपान से त्वचा में रक्त प्रवाह कम हो जाता है, जिससे त्वचा सुस्त और रूखी हो जाती है।
5. प्रजनन तंत्र
सिगरेट का धुआं पुरुषों और महिलाओं दोनों की प्रजनन क्षमता को प्रभावित करता है। पुरुषों में यह स्पर्म काउंट को कम कर सकता है, जबकि महिलाओं में हार्मोन असंतुलन और गर्भधारण में परेशानी पैदा कर सकता है। गर्भवती महिलाओं के लिए धूम्रपान बेहद खतरनाक होता है, क्योंकि इससे शिशु का विकास प्रभावित हो सकता है।
सिगरेट पीना या उसके धुएं के संपर्क में आना केवल फेफड़ों के लिए ही नहीं, बल्कि शरीर के कई महत्वपूर्ण अंगों के लिए भी घातक हो सकता है। इसलिए बेहतर स्वास्थ्य के लिए धूम्रपान छोड़ना ही सबसे अच्छा विकल्प है। अगर आप या आपका कोई करीबी धूम्रपान छोड़ने की कोशिश कर रहा है, तो उसे प्रोत्साहित करें और मदद करें ताकि वह स्वस्थ जीवन की ओर बढ़ सके।
Mar 13 2025, 10:13