लखनऊ कोचिंग अग्निकांड के बाद जिले में अलर्ट,जिला विद्यालय निरीक्षक ने लाइब्रेरी संचालकों को भेजा नोटिस
* सुविधाएं न देने पर होगी कार्रवाई

गोंडा। लखनऊ के अलीगंज में कोचिंग अग्निकांड में 14 छात्रों की मौत के बाद गोंडा जिला प्रशासन सतर्क हो गया है। जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) डॉ. रामचंद्र ने जिले की सभी लाइब्रेरियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है।जिला विद्यालय निरीक्षक ने सभी लाइब्रेरी संचालकों को नोटिस जारी कर तत्काल पेयजल, विद्युत, शौचालय, वेंटिलेशन और अग्निशमन उपकरण जैसी मूलभूत सुविधाओं की जानकारी मांगी है। नोटिस में चेतावनी दी गई है कि सूचना न देने या मानक विहीन संचालन पाए जाने पर भारतीय दंड संहिता के तहत कठोर कार्रवाई की जाएगी।
डॉ. रामचंद्र ने कहा कि संज्ञान में आया है कि कई लाइब्रेरी बिना पर्याप्त सुविधाओं के चल रही हैं, जिससे अप्रिय घटना का खतरा बना रहता है। उन्होंने स्पष्ट किया, "बच्चों की जिंदगी सबसे अहम है, इसके साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।"जिला विद्यालय निरीक्षक ने सभी संचालकों को तत्काल DIOS कार्यालय से संपर्क कर सुविधाओं का विवरण उपलब्ध कराने,आकस्मिक निरीक्षण में कमियां मिलने पर संचालक व संस्थापक स्वयं जिम्मेदार होंगे तथा DIOS ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अमित कुमार सिंह को पत्र लिखकर खंड शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से विकासखंडों में संचालित सभी लाइब्रेरियों का नाम सहित विवरण मांगा है।जिला प्रशासन ने अभियान चलाकर मानक विहीन लाइब्रेरियों के खिलाफ कार्रवाई की बात कही है।
18 साल से अधर में चकबंदी
500 मुकदमों और जमीन घोटाले के आरोपों में उलझा ऐली परसौली,
किसानों ने मुख्यमंत्री से लगाई गुहार

शैलेन्द्र सिंह

गोंडा।जिले के तहसील तरबगंज के बाढ़ प्रभावित ग्राम ऐली परसौली में वर्ष 2008 में शुरू हुई चकबंदी प्रक्रिया 18 वर्ष बाद भी पूरी नहीं हो सकी है। ग्राम समाज की भूमि से जुड़े सैकड़ों विवादित मामलों और अभिलेखीय गड़बड़ियों के चलते चक निर्माण का कार्य अधर में लटका हुआ है। लंबे इंतजार से परेशान किसानों ने अब जिलाधिकारी और मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर चकबंदी प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण कराने की मांग की है।
सरयू नदी के तटीय क्षेत्र में बसे ऐली परसौली गांव की भौगोलिक स्थिति चकबंदी की राह में बड़ी चुनौती बनी हुई है। ग्रामीणों के अनुसार नदी का प्रवाह समय-समय पर दिशा बदलता रहता है, जिससे कटान और भू-क्षेत्र में बदलाव होता रहता है। यही कारण है कि ग्राम सभा की बड़ी मात्रा में भूमि प्रभावित होती रही है। वर्ष 1998 में सरकार ने इस बाढ़ प्रभावित गांव में चकबंदी लागू करने का गजट जारी किया था, इसके पश्चात दिसंबर 2008 में विधिवत चकबंदी प्रक्रिया शुरू हुई थी।
चकबंदी विभाग ने धारा 4(2) का प्रकाशन, मालियत निर्धारण, पर्चा-5 का वितरण तथा धारा-11 की कार्रवाई पूरी कर ली थी। इसके बाद चक निर्माण का कार्य शुरू हुआ, लेकिन आज तक अंतिम रूप नहीं ले सका। गांव में लगभग 3200 से अधिक खातेदार हैं और इसकी सीमाएं अयोध्या जनपद से  जुड़ती हैं।मामले को लेकर किसान विश्वनाथ सिंह ने मुख्यमंत्री और जिलाधिकारी को भेजे पत्र में आरोप लगाया है कि जिम्मेदार अधिकारी जनता को लगातार गुमराह कर रहे हैं और वर्षों से लंबित प्रक्रिया को पूरा करने में रुचि नहीं दिखा रहे हैं। सेवानिवृत्ति प्रधानाचार्य अयोध्या सिंह ने कहा कि चकबंदी पूरी न होने से किसानों को भूमि संबंधी अनेक समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। वर्तमान में इसी वजह से किसने की फार्मर रजिस्ट्री नहीं बन पा रही है। जिससे आने वाले समय में खाद का संकट ग्रामीणों के लिए खड़ा हो सकता है।

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500 मुकदमों में फंसी ग्राम समाज की जमीन

सहायक चकबंदी अधिकारी श्रीकांत गौड़ ने बताया कि वर्तमान गाटा संख्याओं का मिलान फसली वर्ष 1359 की खतौनी से किया जा रहा है जो लगभग पूरा हो चुका है वही जोत चक आकार पत्र  23 कंप्लीट किया जा चुका है। गैर विवादित चक की पैमाइश की कार्रवाई की जा रही है। इसके अलावा ग्राम समाज की भूमि से जुड़े लगभग 500 मुकदमे चकबंदी अधिकारी न्यायालय में विचाराधीन हैं। इन मामलों के निस्तारण और अभिलेखों के शुद्धीकरण के बाद ही इन चकों के निर्माण की कार्रवाई आगे बढ़ाई जा सकेगी।

पट्टों में भारी अनियमितताओं के आरोप
पूर्व प्रधान प्रतिनिधि सुरजीत सिंह ने  चकबंदी में देरी के पीछे पूर्व में हुए भूमि आवंटन घोटालों को भी जिम्मेदार ठहराया है। उनका आरोप है कि कुछ पूर्व लेखपालों ने वर्ग-6 की भूमि, नदी, तालाब और खलिहान जैसी सार्वजनिक संपत्तियों तक का मनमाने तरीके से पट्टा आवंटित कर दिया। आरोप है कि कई मामलों में उपलब्ध रकबे से दोगुनी भूमि तक का आवंटन कर दिया गया, जिससे बड़े पैमाने पर विवाद खड़े हो गए।
स्थानीय निवासी देशराज सिंह ने बताया कि एक लेखपाल ओम प्रकाश गुप्ता ने 2016 में बंदोबस्त के कुछ पर्चो को फाड़ कर 23 व्यक्तियों के पक्ष में 365 बीघा भूमि कंप्यूटराइज्ड तरीके से नामांकित कर दी। इस बात का खुलासा होते ही विभाग में हड़कंप मच गया और आनन फानन लेखपाल सहित 23 लोगों के विरुद्ध विभागीय जांच के उपरांत धोखाधड़ी सहित कई गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लेखपाल सहित कई लाभांवित व्यक्तियों को जेल भेज दिया गया। मुकदमा अभी भी न्यायालय में विचाराधीन है।

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चकबंदी नहीं, किसानों के लिए बनी अनिश्चितता की कहानी

करीब दो दशक से लंबित चकबंदी प्रक्रिया अब ग्रामीणों के लिए प्रशासनिक उदासीनता का प्रतीक बन चुकी है। किसान सवाल उठा रहे हैं कि जब चकबंदी का उद्देश्य भूमि विवादों का समाधान और कृषि व्यवस्था को सुव्यवस्थित करना था, तो आखिर 18 वर्षों बाद भी यह प्रक्रिया अपने अंतिम पड़ाव तक क्यों नहीं पहुंच सकी। अब निगाहें शासन और जिला प्रशासन पर टिकी हैं कि वे इस लंबे समय से लंबित मामले में क्या कदम उठाते हैं।
रोडवेज बस और ट्रेलर में भिड़ंत, 13 यात्री घायल
*गोंडा अयोध्या मार्ग पर जमादार पुरवा के पास हुआ हादसा

*घायलों को अस्पताल में कराया गया भर्ती

गोंडा।जिले के वजीरगंज थाना क्षेत्र में शनिवार देर शाम गोंडा अयोध्या मार्ग पर रोडवेज बस और बालू लदे ट्रेलर की आमने सामने टक्कर हो गई।यह हादसा जमादार पुरवा के पास हुआ,जिससे बस में सवार 13 यात्री घायल हो गए।यह भिड़ंत तब हुई जब गोंडा की तरफ से जा रही रोडवेज बस सामने से बालू लादकर आ रहे ट्रेलर से टकरा गई।घायलों में मधईपुरा बिहार के पवन कुमार, पल्लवी, प्रिया,शिवांश और डाली कुमारी शामिल हैं।इसके अतिरिक्त मालवीय नगर गोंडा निवासी महिमा गौड़ और जितेंद्र कुमार,बीकापुर अयोध्या की दीप्ती पांडेय,कोतवाली देहात तुरकौलिया के मनु प्रताप,रसूलपुर सरैया बहराइच के गोलू,लालजी और गीता तथा डलई सुकुलपुरवा वजीरगंज के उमेश शुक्ला घायल हुए हैं।सभी घायल यात्रियों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र वजीरगंज ले जाया गया,जहाँ उन्हें प्राथमिक उपचार दिया गया।मामले में वजीरगंज थानाध्यक्ष विपुल पांडेय ने बताया कि प्राथमिक उपचार के बाद घायलों को गंतव्य के लिए रवाना कर दिया गया है।उन्होंने यह भी बताया कि घटना के बाद दोनों वाहनों के चालक मौके से फरार हो गए हैं और अभी तक मामले में कोई तहरीर प्राप्त नहीं हुई है।
वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा, सम्मान एवं सहायता के लिए गोण्डा पुलिस की विशेष पहल, घर-घर पहुंचकर 178 वारिष्ठ नागरिको की समस्याएं सुनकर किया गया निस

गोण्डा। अपर पुलिस महानिदेशक, गोरखपुर जोन, गोरखपुर द्वारा जारी निर्देशों के क्रम में जनपद गोण्डा पुलिस द्वारा वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा, सम्मान, सहायता एवं उनके साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने के उद्देश्य से विशेष कम्युनिटी पुलिसिंग अभियान प्रारम्भ किया गया है। वर्तमान सामाजिक परिवेश को दृष्टिगत रखते हुए जनपद के समस्त थाना क्षेत्रों में निवास करने वाले 70 वर्ष अथवा उससे अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों का चिन्हीकरण कर उनका विवरण संकलित किया जा रहा है। इसके लिए प्रत्येक थाने की कम्युनिटी पुलिसिंग यूनिट बनायी गयी है जो नियमित रूप से वरिष्ठ नागरिकों से संपर्क स्थापित कर उनकी समस्याओं, आवश्यकताओं एवं सुरक्षा संबंधी चिंताओं की जानकारी प्राप्त करेगी।

अभियान के अंतर्गत वरिष्ठ नागरिकों का 02 विशेष वरिष्ठ नागरिक रजिस्टर तैयार किया गया है, जिसमें उनका नाम, पता, मोबाइल नंबर, आयु, स्वास्थ्य एवं सामाजिक स्थिति सहित संपर्क से संबंधित आवश्यक विवरण अंकित किया जाएगा। सीपीयू टीम द्वारा प्रत्येक सप्ताह निर्धारित दिवसों (सोमवार, बुधवार, शानिवार) पर वरिष्ठ नागरिकों से संपर्क स्थापित कर उनकी कुशलक्षेम जानी जाएगी तथा आवश्यकता पड़ने पर उन्हें तत्काल पुलिस सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।

पुलिस अधीक्षक गोण्डा  विनीत जायसवाल द्वारा समस्त क्षेत्राधिकारियों, थाना प्रभारियों एवं सी०पी०यू० टीमों को निर्देशित किया है कि वे वरिष्ठ नागरिकों के प्रति संवेदनशील एवं सहयोगात्मक व्यवहार अपनाते हुए नियमित संवाद स्थापित करें तथा उनकी समस्याओं के समाधान हेतु प्रभावी कार्रवाई करें। उक्त अभियान के क्रम में आज दिनांक 20.06.2026 को जनपदीय सीपीयू टीम द्वारा जनपद के विभिन्न थाना क्षेत्रों में कुल 178 वरिष्ठ नागरिकों से उनके आवास पर पहुंचकर संपर्क स्थापित किया गया। इनमें थाना कोतवाली नगर के 08, खरगूपुर के 01, इटियाथोक के 18, धानेपुर के 16, मोतीगंज के 12, मनकापुर के 27, छपिया के 18, खोड़ारे के 11, तरबगंज के 05, वजीरगंज के 14, नवाबगंज के 10, कौड़िया के 12, परसपुर के 04, कटराबाजार के 15 तथा महिला थाना के 07 वरिष्ठ नागरिक शामिल हैं।

संपर्क अभियान के दौरान पुलिस टीम द्वारा वरिष्ठ नागरिकों का कुशलक्षेम जाना गया, तथा उनकी समस्याओं एवं आवश्यकताओं को गंभीरता से सुनते हुए उनके त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण हेतु आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित की गई। साथ ही वरिष्ठ नागरिकों को सुरक्षा संबंधी आवश्यक जानकारी प्रदान करते हुए किसी भी आपात स्थिति में तत्काल पुलिस सहायता प्राप्त करने हेतु जागरूक किया गया। गोण्डा पुलिस की इस जनहितकारी एवं संवेदनशील पहल की वरिष्ठ नागरिकों द्वारा सराहना की गई तथा उन्होंने पुलिस के प्रति अपना विश्वास एवं संतोष व्यक्त किया।
जनपद न्यायाधीश, जिलाधिकारी व पुलिस अधीक्षक ने संयुक्त रूप से जिला कारागार का किया निरीक्षण

गोण्डा। 20 जून, 2026
जनपद न्यायाधीश  दुर्ग नारायन सिंह, जिलाधिकारी गोण्डा  प्रियंका निरंजन एवं पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अंकिता सिंह, ने जिला कारागार का संयुक्त निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने वहां पर कैदियों से वार्ता की तथा उन्हें जेल में दी जा रही सुविधाओं एवं उनकी समस्याओं के संबंध में जानकारी ली। निरीक्षण के दौरान कारागार अस्पताल में जाकर वहां पर भर्ती कैदियों से मुलाकात किया, साथ ही सभी भर्ती कैदियों से वार्ता कर उनकी समस्याओं के संबंध में जानकारी ली।

जनपद न्यायाधीश, जिलाधिकारी तथा एसपी ने स्वयं विभिन्न बैरकों, अस्पताल, भोजनालय, भंडार कक्ष, पुस्तकालय आदि का निरीक्षण किया तथा संबंधित को निर्देश दिए कि जेल में जेल मैनुअल के अनुसार कैदियों को सभी सुविधाएं मुहैया कराई जाएं। इसके साथ ही ऐसे कैदी जिनके पास वकील नहीं है उनके लिए सरकारी वकील का भी प्रबंध कराया जाय। जेल में निरुद्ध कैदियों का बराबर मेडिकल चेकअप कराने के भी निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने महिला बन्दियों वार्ता की, उन्होंने कहा कि यदि किसी के पास वकील नहीं है तो बता दीजिए वकील की व्यवस्था करा दी जायेगी।

निरीक्षण के दौरान जेल अधीक्षक, डिप्टी जेलर, कारागार डॉक्टर सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे।
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर पुलिस लाइन गोण्डा में योगाभ्यास एवं स्वच्छता अभियान का आयोजन
*गोण्डा, 20 जून,2026*।
जिलाधिकारी श्रीमती प्रियंका निरंजन के निर्देशानुसार अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर पुलिस लाइन गोण्डा में भव्य योगाभ्यास कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए योगाभ्यास किया तथा नियमित योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया।

योगाभ्यास कार्यक्रम के दौरान उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को योग के महत्व, उसके शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य पर पड़ने वाले सकारात्मक प्रभावों तथा स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया गया। योग प्रशिक्षकों द्वारा विभिन्न योगासन एवं प्राणायाम का अभ्यास कराया गया, जिससे प्रतिभागियों ने स्वास्थ्यवर्धक जीवन के प्रति जागरूकता प्राप्त की।

इस अवसर पर जिलाधिकारी के निर्देशन में स्वच्छ एवं स्वस्थ वातावरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से पुलिस लाइन गोण्डा परिसर में विशेष स्वच्छता अभियान भी चलाया गया। मुख्य विकास अधिकारी श्री दयानन्द प्रसाद के नेतृत्व में अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने पुलिस लाइन के विभिन्न स्थलों पर सफाई कार्य किया तथा स्वच्छता का संदेश जन-जन तक पहुँचाने का आह्वान किया।

मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि योग और स्वच्छता दोनों ही स्वस्थ समाज की आधारशिला हैं। योग जहां व्यक्ति को शारीरिक एवं मानसिक रूप से सुदृढ़ बनाता है, वहीं स्वच्छता स्वस्थ वातावरण के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।

उन्होंने सभी से नियमित योग करने एवं अपने आसपास स्वच्छता बनाए रखने की अपील की। कार्यक्रम का समापन स्वस्थ जीवन, स्वच्छ पर्यावरण एवं जनकल्याण के प्रति सामूहिक प्रतिबद्धता के संकल्प के साथ किया गया।
राहुल गांधी का जन्मदिन गोंडा में धूमधाम से मनाया गया, केक काटकर दी शुभकामनाएं
गोंडा।, आज दिनांक: 19 जून 2026 जननायक, लोकसभा में विपक्ष के नेता *माननीय राहुल गांधी जी* का जन्मदिवस
मो0 मेवतियान स्थित कांग्रेस के वरिष्ठ नेता,  प्रदेश कंट्रोल रूम इंचार्ज शहर गोंडा, डॉ. सैयद अब्दुल मुजीब  के आवास पर शहर अध्यक्ष शाहिद अली कुरेशी की अगुवाई में आयोजित कार्यक्रम में   कांग्रेस जनों ने  बड़ी संख्या में भाग लिया।कार्यक्रम की शुरुआत केक काटकर हुई। इस अवसर पर उपस्थित कार्यकर्ताओं ने *माननीय राहुल गांधी जी के दीर्घायु जीवन की कामना* की और उनके द्वारा *शोषित वंचित समाज की लड़ाई* लड़ने के संकल्प की सराहना की।
इस मौके गोंडा शहर अध्यक्ष, सभासद शाहिद अली कुरेशी ने कहा कि राहुल गांधी जी नफरत के खिलाफ मोहब्बत का संदेश लेकर चल रहे हैं और उनके नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ता और अधिक मजबूती से जनता की आवाज़ उठाएंगे।
कार्यक्रम में हनुमान प्रसाद गौतम, डॉक्टर सैयद अब्दुल मुजीब, विनय प्रकाश त्रिपाठी, वाजिद अली, शिव प्रताप शुक्ला एडवोकेट, अजय कुमार रस्तोगी, जाकिर अली,राजबहादुर सिंह,मोहम्मद रिजवान, अब्दुल खालिद ,सलीम कुरैशी, करनजीत, नजमुद्दीन, राम जनक वर्मा, विकास मनोहर श्रीवास्तव, संतोष कुमार चतुर्वेदी,विनय प्रताप सिंह, हरिराम वर्मा संतोष सिंह,आनंद कुमार, मोहम्मद वसीमसमेत  बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री योगी ने 4901.65 करोड़ के कार्य प्रस्तावों को दी मंजूरी, मां पाटेश्वरी शक्तिपीठ संग बेहतर संपर्क के लिए 13 मार्गों का होगा विकास
- *देवीपाटन और बस्ती मंडल के विधानसभा क्षेत्रों में लोक निर्माण विभाग की विकास परियोजनाओं के कार्यों की हुई समीक्षा*

- *मां पाटेश्वरी देवी शक्तिपीठ, स्वामीनाराण मंदिर से बस्ती के मखौड़ा धाम व अन्य प्रमुख धार्मिक स्थलों को जोड़ने वाले प्रमुख 13 मार्ग किए जाएंगे विकसित*

- *तेरह दिन बाद फिर दौरे पर गोंडा पहुंचे थे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ*

- *प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र के 50-50 करोड़ के विकास कार्यों का देखा प्रेजेंटेशन*

- - *मुख्यमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के सर्वाधिक 810 कार्यों को दी मंजूरी*

- *गड्ढामुक्त अभियान के तहत सड़कों के दुरुस्तीकरण की जानी प्रगति*

*गोंडा, 19 जून*। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को महज़ तेरह दिनों बाद फिर गोंडा का दौरा किया। उन्होंने अपने दो घंटे के कार्यक्रम के दौरान 33 विधानसभा क्षेत्रों से जनप्रतिनिधियों द्वारा भेजे गए प्रस्तावों का प्रेजेंटेशन भी देखा। इसमें प्रमुख रूप से मां पाटेश्वरी शक्तिपीठ धाम संग अन्य धार्मिक स्थलों तक कनेक्टिविटी को बेहतर करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने देवीपाटन मंडल के मां पाटेश्वरी देवी शक्तिपीठ, स्वामीनाराण मंदिर से बस्ती के मखौड़ा धाम व अन्य प्रमुख धार्मिक स्थलों को जोड़ने वाले प्रमुख 13 मार्गों के विकास को मंजूरी दी। कुल 4901.65 करोड़ रुपये की एक हजार से अधिक विकास परियोजनाओं के प्रस्तावों को स्वीकृति दी।

उन्होंने महाराजा सुहेलदेव सभागार में लोक निर्माण विभाग की परियोजनाओं की समीक्षा की। साथ ही नई कार्य योजनाओं पर जनप्रतिनिधियों के साथ मंथन किया। इस दौरान देवीपाटन मंडल के गोंडा, बलरामपुर, बहराइच और श्रावस्ती की सड़क व संपर्क मार्ग परियोजनाओं की प्रगति परखी। इसके साथ बस्ती मंडल के बस्ती, सिद्धार्थनगर और संतकबीरनगर की विकास परियोजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों को मुख्य मार्गो से जोड़ने, जर्जर सड़कों के पुनर्निर्माण, संपर्क मार्गों के सुदृढ़ीकरण और पुल सेतु से जुड़े निर्माण कार्यों पर मंथन हुआ।
मुख्यमंत्री को देवीपाटन मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल व लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों ने सड़क, पुल, सेतु और अन्य आधारभूत विकास परियोजनाओं की प्रगति की जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने लंबित कार्यों को समयबद्ध ढंग से पूरा करने के निर्देश दिए। अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को विभिन्न विकास परियोजनाओं की अद्यतन प्रगति रिपोर्ट दी। इस दौरान मुख्यमंत्री ने गड्ढामुक्त अभियान की अद्यतन स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत 810 कामों को मंजूरी दी। इसमें करीब 1472.83 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। इससे ग्रामीण अंचलों में 1602 किलोमीटर लंबी सड़कें बनाकर बेहतर कनेक्टिविटी उपलब्ध कराई जाएगी। करीब पचास से अधिक सड़कों का चौड़ीकरण व दुरुस्तीकरण किया जाएगा। 

*प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र की विकास परियोजनाओं पर हुआ मंथन*

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र की करीब 50-50 करोड़ की विकास परियोजनाओं का प्रस्तुतीकरण देखा। उन्होंने जनप्रतिनिधियों से विकास परियोजनाओं की स्थिति पर चर्चा की। उन्होंने नगरीय व ग्रामीण क्षेत्रों की बेहतर कनेक्टिविटी और सुगम यातायात के लिए सड़क मार्गों के दुरुस्तीकरण पर केंद्रित प्रस्तावों को प्राथमिकता के साथ देखा। इसमें आधारभूत संरचना के कार्य भी शामिल रहे। मुख्यमंत्री ने पिछड़े क्षेत्रों व आकांक्षात्मक ब्लॉक क्षेत्रों में जारी विकास परियोजनाओं की भी समीक्षा की।

*औद्योगिक क्षेत्रों की भी बेहतर होगी कनेक्टिविटी*
मुख्यमंत्री ने दो राज्य राजमार्गों, प्रमुख औद्योगिक क्षेत्रों की बेहतर कनेक्टिविटी, 81 लघु सेतु व सात बड़े पुलों को बनाने की मंजूरी दी। शहरी क्षेत्रों में बेहतर यातायात व्यवस्था के लिए बाईपास मार्गों, ओवरब्रिज आदि के कामों को मंजूरी दी। देवीपाटन मंडल में सड़क सुरक्षा के कार्यों को कराने कभी निर्देश दिया। इसके साथ जिले में ग्रामीण क्षेत्रों में 12 हेलीपैड के निर्माण कार्यों को भी मंजूरी दी। उन्होंने हरदौपट्टी संपर्क मार्ग का विशेष मरम्मत कार्य, कटरा बाजार के पंडितपुरवा नहवा परसौरा वाया खजुहा संपर्क मार्ग का विशेष मरम्मत कार्य, सुभानपुर बेलवानोहर मार्ग के चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण कार्य, हट्टीपुरवा से कुढि़यांव संपर्क मार्ग का विशेष मरम्मत कार्य, चांदपुरडीहा संपर्क मार्ग निर्माण कार्य आदि की अद्यतन स्थिति पर भी जानकारी ली।
डीसीएम व ट्रेलर की आमने सामने टक्कर में डीसीएम ड्राइवर गंभीर रूप से हुआ घायल
*मेडिकल कॉलेज में चल रहा इलाज

गोंडा।जिला मुख्यालय स्थित नगर कोतवाली क्षेत्र के गुरुवार देर शाम लगभग 7 बजे जेल रोड पर स्थित स्मार्ट बाजार के सामने डीसीएम व ट्रेलर की आमने सामने जोरदार टक्कर हो गई।अंबेडकर चौराहे से जेल रोड की तरफ जा रहे ट्रेलर व जेल रोड से अंबेडकर चौराहे की तरफ आ रहे डीसीएम के बीच यह भिड़ंत हुई।टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों वाहनों का अगला हिस्सा पूरी तरह छतिग्रस्त हो गया।इस हादसे में डीसीएम चालक गाजी (40) गंभीर रूप से घायल हो गया।सिविल लाइन  चौकी पुलिस ने तत्काल उसे बाहर निकाला कर जिला मुख्यालय स्थित मेडिकल कालेज में भर्ती कराया।बाराबंकी निवासी डीसीएम चालक गाजी का दाहिना हाथ बुरी तरह घायल हो गया है और उसका कुछ हिस्सा कट भी गया है।मेडिकल कालेज में डाक्टरों की टीम उसका इलाज कर रही है,जहाँ उसकी हालत गंभीर बनी हुई है।घटना को अंजाम देने के बाद ट्रेलर चालक मौके से फरार हो गया।जिसकी तलाश सिविल लाइन चौकी व नगर कोतवाली पुलिस कर रही है।इस भीषण दुर्घटना के कारण जेल रोड पर घंटों जाम की स्थिति बनी रही,जिससे दोनों तरफ से वाहनों का आवागमन पूरी तरह बाधित हो गया।नगर कोतवाली पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद क्रेन की मदद से दोनों वाहनों को सड़क से हटवाया,जिसके बाद यातायात सामान्य हो सका।मामले में नगर कोतवाल बिंदेश्वरी मणि त्रिपाठी ने बताया कि डीसीएम जेल रोड से अंबेडकर चौराहे की तरफ जा रहा था,जबकि ट्रेलर अंबेडकर चौराहे से जेल रोड की तरफ जा रहा था और स्मार्ट बाजार के सामने दोनों में टक्कर हो गई।नगर कोतवाल ने घायल की पहचान बाराबंकी निवासी गाजी (40) के रूप में किया है।पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।घायल डीसीएम चालक के परिजनों को सूचना दे दिया गया है, जो बाराबंकी जिले का रहने वाला है।
जिलाधिकारी ने दिव्यांग व्यक्ति को मौके पर ही दिलाई ट्राईसाइकिल
*गोण्डा 18 जून,2026*।
जनपद के कलेक्ट्रेट परिसर में आयोजित जनता दर्शन जनसुनवाई कार्यक्रम के दौरान संवेदनशील एवं सराहनीय पहल देखने को मिली। जनसुनवाई के क्रम में दिव्यांग शिकायतकर्ता अनमोल पुत्र अयोध्या प्रसाद, निवासी ग्राम रुदौलिया करनैलगंज, गोण्डा ने अपनी समस्या को लेकर उपस्थित हुए। उनकी स्थिति को देखते हुए जिलाधिकारी श्रीमती प्रियंका निरंजन ने मानवीय संवेदनशीलता का परिचय देते हुए अपने कार्यालय कक्ष से बाहर आकर उनकी बातों को गंभीरता एवं भावपूर्ण ढंग से सुना।
अनमोल ने अपनी दैनिक जीवन की कठिनाइयों को साझा करते हुए आवागमन में आ रही समस्याओं से अवगत कराया। जिलाधिकारी ने तत्काल मामले की गंभीरता को समझते हुए संबंधित विभाग के अधिकारियों से मौके पर ही वार्ता की और आवश्यक निर्देश दिए। उनकी तत्परता और सकारात्मक पहल के परिणामस्वरूप कलेक्ट्रेट परिसर में ही दिव्यांगजन को ट्राईसाइकिल उपलब्ध कराई गई। साथ ही उपरोक्त व्यक्ति को दिव्यांग पेंशन व अन्य योजनाओं का लाभ शीघ्रातिशीघ्र दिलाने के निर्देश दिये हैं ।

इस अवसर पर उपस्थित लोगों ने जिलाधिकारी की इस संवेदनशीलता एवं त्वरित कार्यवाही की सराहना की। यह पहल न केवल प्रशासन की जवाबदेही को दर्शाती है, बल्कि समाज के कमजोर वर्गों के प्रति सहानुभूति और सहयोग की भावना को भी मजबूत करती है।

जिलाधिकारी ने कहा कि शासन की प्राथमिकता है कि हर जरूरतमंद व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ समय पर पहुंचे। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि दिव्यांगजन एवं अन्य पात्र लाभार्थियों की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान सुनिश्चित किया जाए।

मौके पर अपर उपजिलाधिकारी विशाल कुमार, वसीम अहमद दिव्यांग विभाग उपस्थित रहे।