बिहार बजट सत्र : सदन के अंदर सदस्यों के इस चीज के उपयोग पर सीएम नीतीश कुमार ने जताया आपत्ति, स्पीकर से कर दी यह बड़ी मांग

डेस्क : बिहार विधानमंडल के बजट सत्र आज तेरहवें दिन की कार्यवाही विपक्ष के हंगामे के साथ शुरु हुई। आज सदन की कार्यवाही शुरू होने से पहले आरजेडी और लेफ्ट के विधायकों ने विधानसभा के बाहर जोरदार हंगामा। विपक्षी सदस्यों ने स्वास्थ्य विभाग के मामले को लेकर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

वही विधानसभा की कार्यवाही शुरु होते ही मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने विधान सभा के सदस्यों के मोबाइल लेकर आने पर गहरी आपत्ति जताते हुए स्पीकर से इसे लेकर कार्रवाई की मांग की। दरअसल सदन में प्रश्नकाल के दौरान कुमार कृष्ण मोहन उर्फ़ सुदय यादव द्वारा सदन में मोबाइल लेकर सवाल किया जा रहा था। इसी बीच सीएम नीतीश ने मोबाइल लेकर सदन में आने पर गहरी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि यह पहले से प्रतिबंधित है। उन्होंने स्पीकर नंद किशोर यादव से अनुरोध किया कि जो भी मोबाइल लेकर के आएगा उसे सदन से बाहर निकाल दिया जाएगा।

उन्होंने कहा कि पहले हम खूब देखते थे। 2019 में हम जाने गड़बड़ होने वाला है तो हम छोड़ दिये।उन्होंने कहा कि मोबाइल लेकर के सदन में आना पहले से प्रतिबंधित किया हुआ है, इसके बाद भी कई लोग इसे लेकर बोल रहा है। उन्होंने मोबाइल देखकर सदन में बोलने वालों को कहा कि ई कउची मोबइलबा लेकर खड़े हो, बात अपनी तरफ से बोलो।

इसके पहले सदन की कार्यवाही शुरू होने के पहले विपक्षी सदस्यों ने कई मुद्दों को लेकर प्रदर्शन किया। राजद के विधायकों ने पोर्टिको में प्रदर्शन किया। वे पीडीएस दुकानदारों का मानदेय बढ़ाकर 25000 करने की मांग को लेकर प्रदर्शन किए। बिहार विधानमंडल में गुरुवार को बजट सत्र का 13वां दिन है। आज पांच विभागों स्वास्थ्य, कृषि, समाज कल्याण, आपदा प्रबंधन और एक अन्य विभाग का बजट सदन में पेश किया जाएगा।

स्वास्थ्य मंत्री मंगल पाण्डेय का राजद सुप्रीमो पर बड़ा हमला, कहा-लालू की अवैध संपत्ति बनाने की भूख ने पूरे परिवार को बना दिया गुनाहगार

डेस्क : लैंड फॉर जॉब मामले मे एकबार फिर लालू परिवार पर ईडी ने शिकंजा कसा है। ईडी द्वारा राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद, पूर्व सीएम राबड़ी देवी और तेज प्रताप यादव को समन भेजा। जिसमें बीते मंगलवार को राबड़ी देवी और तेज प्रताप यादव से ईडी ने लंबे समय तक पूछताछ की। वहीं बुधवार को ईडी लालू प्रसाद से पूछताछ की। इधर इस मामले को लेकर राजद और लालू प्रसाद का परिवार केन्द्र सरकार और खासकर बीजेपी पर हमलावर है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी और राजद ने केन्द्र सरकार के इसारे पर ईडी द्वारा उनके परिवार को परेशान करने का आरोप लगाया है।

वहीं राजद के इस आरोप पर बीजेपी नेता व स्वास्थ्य मंत्री मंगल पाण्डेय ने पलटवार किया है। मंगल पांडेय ने आरोप लगाया है कि अवैध सम्पत्ति बनाने की भूख में लालू प्रसाद ने अपने पूरे परिवार को गुनाहगार बना दिया है।

भाजपा नेता ने कहा कि रेलवे में नौकरी के बदले कई दर्जन युवाओं और उनके परिजनों से भ्रष्टाचार के जरिए एक लाख वर्गफीट से ज्यादा जमीन हड़पने के मामले में ईडी ने लालू प्रसाद से पूछताछ की। एक दिन पहले पटना में ही उनकी पत्नी पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी और पुत्र तेजप्रताप यादव से पूछताछ की गई।

उन्होंने कहा कि राजद का यह आरोप बिलकुल बेबुनियाद है कि राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता और द्वेष में लालू परिवार को फंसाया और परेशान किया जा रहा है। केंद्र सरकार और भाजपा पर फंसाने का आरोप लगाने की जगह लालू परिवार को केंद्रीय जांच एजेंसियों और कोर्ट को अपनी बेगुनाही का सबूत देना चाहिए।

कहा कि लालू परिवार पर भ्रष्टाचार का लगा आरोप राजनीतिक नहीं, कानूनी है। लालू परिवार को इसे कानूनी तौर पर ही लड़ना चाहिए। जमीन के बदले नौकरी घोटाले के भ्रष्टाचार के मामले से ध्यान भटकाने की राजद की कोई भी कोशिश सफल नहीं होने वाली है। कानून के शिकंजे से बचने के लिए ही राजद भाजपा और केंद्र सरकार को कोस रहा है।

मौसम में बदलाव से बीमारियों का बढ़ा प्रकोप, अस्पतालों में इन बीमारियों की मरीजों की बढ़ी संख्या

डेस्क : बिहार में मौसम के मिजाज में बदलाव जारी है। वहीं मौसम में उतार-चढ़ाव से वायरल बीमारियों का प्रकोप काफी बढ़ गया है। अस्पतालों में वायरल सर्दी, खांसी, बुखार और निमोनिया के मरीज अचानक बढ़ गए हैं। पिछले सप्ताह की तुलना में इस सप्ताह ऐसे मरीजों की संख्या में दो से तीन गुना तक बढ़ोतरी हुई है। बुखार का कारण टायफाइड भी सामने आ रहा है।

चार दिनों में 34 मरीज सिर्फ आईजीआईएमएस व पीएमसीएच में टायफाइड से ग्रसित भर्ती कराए गए हैं। आईजीआईएमएस, पीएमसीएच, न्यू गार्डिनर रोड के अलावा निजी अस्पतालों के ओपीडी में भी मरीजों की संख्या बढ़ी है। इस सप्ताह यह संख्या 350 से 350 तक पहुंच गई है।

पीएमसीएच के मेडिसिन विभाग के वरीय चिकित्सक ने बताया कि मौसम में जितनी तेजी से उतार-चढ़ाव हो रहा है उतनी तेजी से लोगों का शरीर उससे सामंजस्य नहीं बैठा पा रहा है।

आईजीआईएमएस के अधीक्षक ने बताया कि गंभीर रूप से बुखार से पीड़ित होकर भर्ती होनेवाले मरीजों में टायफाइड का प्रकोप पाया जा रहा है। बताया कि जांच में दो दर्जन मरीजों में टायफाइड का प्रकोप पाया गया है। पीएमसीएच में भी 10 मरीज टायफाइड से पीड़ित होकर भर्ती कराए गए हैं।

वहीं उन्होंने कहा कि पारा सिटामोल लेने के बाद भी यदि किसी का बुखार दो से तीन दिनों में ठीक नहीं हो तो ऐसे मरीजों को अस्पताल में आकर चिकित्सक से दिखानी चाहिए और उनके सलाह के अनुसार जरूरी जांच भी करानी चाहिए।

मौसम का मिजाज : पटना समेत कई जिलों में हुई छिटपुट बारिश, इन जिलों में बारिश के साथ वज्रपात का रेड अलर्ट

डेस्क : बिहार में मौसम के मिजाज में बदलाव जारी है। बीते रात में गरज के साथ पटना सहित कई जिलों में बारिश हुई तो वहीं सुबह भी बादलों का गरजना जारी रहा। अगले 2 दिनों तक मौसम में बदलाव रहने की उम्मीद है। वहीं मौसम विभाग ने राज्य के अधिकांश हिस्सों में भारी बारिश, बिजली गिरने और ओलावृष्टि का अलर्ट जारी किया है। अगले तीन दिनों तक लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

मौसम विभाग के अनुसार, 21 मार्च को रोहतास, औरंगाबाद, गया, नवादा, जमुई और बांका जिलों में बारिश के साथ वज्रपात और ओलावृष्टि की आशंका है। वहीं, 22 मार्च को अरवल, जहानाबाद, औरंगाबाद, गया, भभुआ और रोहतास में भी ऐसा ही मौसम रहने की संभावना है। इन जिलों में रेड अलर्ट जारी किया गया है।

पटना, समस्तीपुर, वैशाली, नालंदा, बेगूसराय और खगड़िया में 20 मार्च से ही बादलों की गड़गड़ाहट और हल्की बारिश देखने को मिली। मौसम विभाग के अनुसार, अगले दो दिनों में इन जिलों में भी गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है।

मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि 21 और 22 मार्च को औरंगाबाद, गया और नवादा में 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। इसके अलावा, सुपौल, अररिया, किशनगंज, सहरसा, मधेपुरा, पूर्णिया, कटिहार, भागलपुर, बांका, मुंगेर, खगड़िया और शेखपुरा में भी बारिश और वज्रपात की संभावना है। वहीं 23 मार्च के बाद मौसम में सुधार होने की उम्मीद है। इस दौरान अधिकतम तापमान 30°C से 34°C और न्यूनतम तापमान 18°C से 24°C के बीच रहने का अनुमान है।

औरंगाबाद में बेखौफ अपराधियों का तांडव, यू-ट्यूबर को दिन-दहाड़े गोली मारकर कर दी हत्या

डेस्क : बिहार में अपराधी पूरी तरह से बेखौफ हो गए है। उन्हें पुलिस और कानून का कोई भय नहीं रह गया है। पुलिस की लाख कोशिश के बावजूद बेखौफ अपराधी हत्या और लूट जैसी बड़ी वारदात को अंजाम देने से बाज नही आ रहे है। ताजा मामला औरंगाबाद जिले के कुटुंबा थाना क्षेत्र से सामने आया है। जहां संडा-मटपा रोड में कंठी बिगहा गांव के समीप आज तकरीबन 10 बजे अपराधियों ने एक यू-ट्यूबर की गोली मारकर हत्या कर दी।

मृतक की पहचान कुटुम्बा थाना क्षेत्र के जमुआ गांव निवासी रंजीत पासवान (40 वर्ष) के रूप में किया गया है। वह एक अस्पताल में कंपाउंडर का काम करता था। रंजीत औरंगाबाद में चिकित्सक डॉ जन्मेजय कुमार के क्लीनिक में कंपाउंडर का भी काम करता था। अपने यूट्यूब चैनल पर गांव-देहात की खबरें चलता था।

बताया जाता है कि रंजीत बुधवार सुबह घर से नाश्ता कर औरंगाबाद जाने के लिए निकला था। 9 बजे जैसे ही वह कंठी बिगहा पहुंचा तो पहले से घात लगाकर बैठे अपराधियों ने उसकी गाड़ी को रुकवाया तथा सड़क किनारे बने एक पुलिया पर बैठकर बातचीत करने लगे। कुछ मिनट बातचीत के बाद अपराधियों ने उसके सीने में गोली मार दी। रंजीत की घटनास्थल पर ही उसकी मौत हो गई।

आसपास खेत में काम कर रहे लोग गोली चलने की आवाज सुनकर घटनास्थल पर पहुंचे तब तक अपराधी बाइक पर सवार होकर फरार हो गए। सूचना मिलते ही कुटुंबा थाने की पुलिस घटनास्थल पर पहुंची तथा मामले की छानबीन में जुट गई है। हत्या की सूचना के बाद मौके पर पहुंचे स्वजन का रो रोकर बुरा हाल है। पुलिस हत्या के कारणों का पता लगाने में जुटी है।

कुटुम्बा थानाध्यक्ष अक्षयवर सिंह ने बताया कि मामले की तहकीकात की जा रही है। अपराधियों की पहचान के लिए सीसीटीवी कैमरे को खंगाले जा रहे हैं। मृतक की बाइक घटनास्थल से बरामद कर लिया गया है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।

लैंड फॉर जॉब मामले में राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद से ईडी ने 4 घंटे तक की पूछताछ

डेस्क : रेलवे में नौकरी के बदले जमीन मामले में ईडी की ओर से एकबार फिर लालू परिवार को समन जारी किया गया था। इसबार लालू प्रसाद और राबड़ी देवी के साथ-साथ उनके बड़े बेटे तेज प्रताप यादव को भी समन जारी हुआ था। बीते मंगलवार को ईडी ने राबड़ी देवी और तेज प्रताप यादव से पूछताछ की थी। वहीं आज लालू प्रसाद को ईडी ने पूछताछ के लिए बुलाया था।

वहीं लालू प्रसाद से ईडी पूछताछ खत्म हो गई है। ईडी के अधिकारियों ने करीब चार घंटे तक लालू प्रसाद से लैंड फॉर जॉब केस से जुड़े सवाल पूछे। चार घंटे की पूछताछ के बाद ईडी ने लालू प्रसाद को घर जाने को कहा। पूछताछ खत्म होने के बाद लालू प्रसाद राबड़ी आवास के लिए रवाना हो गए।

बता दें इससे पहले बीते मंगलवार 18 मार्च को ईडी ने राबड़ी देवी और तेजप्रताप यादव से लंबी पूछताछ की थी। सूत्रों के मुताबिक, ईडी ने राबड़ी देवी से पूछा था कि उनके नाम से जो जमीन है वह उन्होंने कैसे अर्जित किया है। इसके साथ ही ईडी ने पूछा था कि जिन लोगों से नौकरी के बदले जमीन लिया गया उनको कैसे जानती है? आप उन लोगो से पहली बार कब मिली? उन लोगो को नौकरी देने के लिए आपने पैरवी किया तो क्यों? आपके बेटे तेजस्वी यादव ने जो दिल्ली के न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी में बंगला खरीदा उसके बारे में आप क्या जानती हैं? ऐसे कई सवाल हैं जिनके जवाब ईडी तलाश रही है।

बिहार बजट सत्र : विधान सभा में सीएम, स्पीकर और नेता प्रतिपक्ष के बीच हुआ विनोदपूर्ण संवाद, नीतीश कुमार के इस इशारे पर हंसने लगे तेजस्वी यादव

डेस्क : बिहार विधानमंडल के 12 वें दिन की कार्यवाही वैसे तो आज एकबार फिर विपक्ष के हंगामे के साथ शुरु हुई। विपक्षी सदस्यों ने विधानसभा के बाहर जोरदार हंगामा किया। हाथों में पोस्टर लेकर राजद विधायक सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते दिखे। लेकिन विधान सभा के अंदर आज एक अलग नजारा देखने को मिला।

विधान सभा में सत्र के कार्यवाही के दौरान आज बुधवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव और स्पीकर नंद किशोर यादव के बीच इशारों में बात भी हुई और विनोदपूर्ण संवाद भी हुआ। सदन में प्रश्नकाल के दौरान सीएम नीतीश ने नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की ओर इशारा करते हुए सवाल किया। उन्होंने अपने गाल पर हाथ फेरते हुए तेजस्वी से पूछा कि दाढ़ी क्यों नहीं बनाते हो? वहीं सीएम नीतीश का इशारा देखकर तेजस्वी हंस दिए। दोनों के बीच आंखों-आंखों में हुई इस बातचीत के दौरान सीएम नीतीश के बगल में ही मंत्री विजय चौधरी बैठे थे। वे दोनों के इशारों वाली बातचीत को देखकर मुस्कुराते रहे।

वहीं एक सवाल को लेकर तेजस्वी पर विनोदपूर्ण तंज विधानसभा स्पीकर नंद किशोर यादव ने कसा। दरअसल, हाजीपुर में सड़क निर्माण को लेकर पथ निर्माण मंत्री नितिन नवीन के जवाब से तेजस्वी यादव असंतुष्ट दिखे। इसे लेकर दोनों के बीच हल्की बहसबाजी भी हुई। तेजस्वी ने कहा कि महागठबंधन की सरकार में जो सड़क बनने के लिए पास हुआ था लेकिन अभी तक कोई काम नहीं हुआ। इस पर विभाग के मंत्री नितिन नवीन ने कहा कि 10% काम हो चुका है।

हालाँकि तेजस्वी ने इस पर असंतुष्टि जाहिर की। इसे लेकर विनोदपूर्ण अंदाज में स्पीकर नंद किशोर यादव ने तेजस्वी से कहा, 'बढ़िया है पटना में रहता है। वहां रहता तो लड़ लेता।' इसपर तेजस्वी भी हंसने लगे। वे फिर से सदन में खड़े हो गए और कहा कि हाजीपुर में रोड रहेगा तब न वहां के लोग यहां आएंगे।

बिहार बजट सत्र : इस फायदे के मुद्दे पर एकजुट हुए सत्ता पक्ष और विपक्ष के माननीय, जानिए क्या है वह

डेस्क : बिहार विधानमंडल के 12 वें दिन की कार्यवाही आज एकबार फिर विपक्ष के हंगामे के साथ शुरु हुई। विपक्षी सदस्यों ने विधानसभा के बाहर जोरदार हंगामा किया। हाथों में पोस्टर लेकर राजद विधायक सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते दिखे। हालांकि सत्र के कार्यवाही के दौरान एक मुद्दे पर सत्ता पक्ष और विपक्ष एकजुट हो गए। दरअसल, विधान परिषद में निर्वाचित प्रतिनिधियों के लिए पटना में आवास के लिए जमीन उपलब्ध कराने से जुड़ा सवाल किया गया था। इस पर सत्ता और विपक्ष के सदस्य एकजुट दिखे।

बिहार विधान परिषद के सभापति अवधेश नारायण सिंह ने बुधवार को कहा कि नेताओं का नाम इतना खराब हो चुका उन्हें कोई भाड़ा (किराया) पर मकान तक नहीं देता। ऐसे में विधानमंडल के निर्वाचित प्रतिनिधियों के लिए पटना में एक अदद छत की व्यवस्था हो इसके लिए सरकार को पहल करनी चाहिए।

सरकार की ओर से मंत्री जीवेश मिश्रा ने कहा कि वर्ष 1998 में किए गए एक संशोधन के बाद ही निर्वाचित प्रतिनिधियों के लिए सहकारिता समितियों की जमीनों में दो प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान खत्म किया गया। इसके बाद वर्ष 2016 में भी इसी तरह से कोई बदलाव नहीं किया गया। यही कारण है कि अब दोनों सदनों के निर्वाचित प्रतिनिधियों को पटना में जमीन नहीं मिल पा रही है। इस पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के सदस्यों एक एकजुट होकर इसमें बदलाव करने की मांग की।

सदस्यों को पटना में प्लॉट देने के सवाल पर सबसे पहले नगर विकास मंत्री जीवेश मिश्रा जवाब देने उठे। उन्होंने कहा कि विधायकों-विधान पार्षदों को पटना में जमीन का प्लॉट देने का मामला सहकारिता विभाग से जुड़ा है। उनके विभाग का यह मामला नहीं है। सहकारिता मंत्री ही इस पर जवाब दे सकते हैं। इस पर सभापति ने कहा कि सवाल भी सहकारिता विभाग से ही है। हम मंत्री विजय बाबू से कहेंगे कि इसके लिए समय दीजिए। सदस्यों का एक शिष्टमंडल इनसे जाकर मिले। इस पर विजय चौधरी ने सदन में कहा कि सहकारिता विभाग के मंत्री प्रेम कुमार सक्षम हैं। वे कल ही विधानसभा में प्रेम बरसा रहे थे। आज यहां बरसाने वाले हैं। इतना सुनते ही सहकारिता मंत्री प्रेम कुमार ने विप में खड़े होकर कहा कि हम सदस्यों की चिंता से खुद को जोड़ते हैं। सोमवार को ही इस पर बैठक करेंगे। पक्ष-विपक्ष के पांच सदस्य आयें, अधिकारियों के साथ मीटिंग करेंगे। सरकारी भूमि पर बात हो जाएगी। विभाग के स्तर से रास्ता निकालेंगे और मुख्यमंत्री की सहमति से सदस्यों को राजधानी में जमीन का प्लॉट दिलाने की कोशिश करेंगे।

बिहार बजट सत्र : विस में बीजेपी विधायक ने अपनी ही सरकार के कार्यशैली पर उठाया सवाल, मंत्री के जवाब के बाद भी करते रहे यह मांग

डेस्क : बिहार विधानमंडल के 12 वें दिन की कार्यवाही आज एकबार फिर विपक्ष के हंगामे के साथ शुरु हुई। विपक्षी सदस्यों ने विधानसभा के बाहर जोरदार हंगामा किया। हाथों में पोस्टर लेकर राजद विधायक सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते दिखे। बिहार में स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड को लेकर आऱजेडी ने सरकार को घेरने की कोशिश की है। वहीं प्रश्नकाल के दौरान अपने ही विधायक से सरकार की जमकर किरकिरी हुई।

दरअसल आज प्रश्नकाल के दौरान गया के वजीरगंज विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक वीरेंद्र सिंह ने अपनी ही सरकार की कार्यशैली पर बड़ा सवाल खड़ा किया। उन्होंने विधानसभा में प्रश्नकाल के दौरान कहा कि गबन के आरोपी अधिकारी को प्रमोशन के साथ पोस्टिंगदे दी गई है।

वीरेंद्र सिंह ने कहा कि जो अधिकारी गया में पहले ही 2019 से 2023 तक चार साल कार्यपालक अभियंता थे। फिर मुजफ्फरपुर में कार्यरत रहने के दौरान उन पर गबन का आरोप लगा। उसके बाद भी उसी अभियंता को फिर से अधीक्षण अभियंता बनाकर गया में पोस्टिंग दी गई।

उन्होंने ऐसे अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।

इसे लेकर मंत्री संतोष सुमन ने कहा कि अगर ऐसा आरोप है तो इसकी जांच के बाद कार्रवाई होगी। हालांकि वीरेंद्र सिंह ने उनके जवाब के बाद भी इस पोस्टिंग को रद्द करने की मांग करते रहे।

माता-पिता और भाई को ईडी द्वारा समन भेजे जाने पर भड़के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी, कहा-इससे हम डरने वाले नहीं

डेस्क : लैंड फॉर जॉब मामले मे एकबार फिर लालू परिवार पर ईडी ने शिकंजा कसा है। ईडी द्वारा राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद, पूर्व सीएम राबड़ी देवी और तेज प्रताप यादव को समन भेजा। जिसमें बीते मंगलवार को राबड़ी देवी और तेज प्रताप यादव से ईडी ने लंबे समय तक पूछताछ की। वहीं आज ईडी लालू प्रसाद से पूछताछ कर रही है। इधर इस मामले को लेकर बिहार विधान सभा में नेता प्रतिपक्ष व लालू प्रसाद के छोटे बेटे तेजस्वी यादव बड़ा हमला बोला है।

आज दिल्ली से पटना पहुंचे तेजस्वी से जब इस मामले को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि यह कोई नई बात नहीं है। उन्होंने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि "बीजेपी की ABCDEF या जो भी एडिशन (addition) है उसका काम अब बिहार में ही हैं। वो बुलाता है हम जाते हैं।

तेजस्वी यादव ने कहा कि, "हम कानून का पालन करने वाले लोग हैं। जब बुलाया जाता है, तो हम जाते हैं, लेकिन इससे कुछ होना नहीं है। अगर मैं राजनीति में नहीं होता, तो कोई मुकदमा नहीं होता। ये सब राजनीतिक कारणों से किया जा रहा है, लेकिन हमें कोई फर्क नहीं पड़ता।" उन्होंने यह भी याद दिलाया कि "मुझे, मेरी मां को, मेरे परिवार को कई बार ED और इनकम टैक्स विभाग ने बुलाया, लेकिन इससे हम घबराने वाले नहीं हैं। बीजेपी संवैधानिक संस्थाओं का दुरुपयोग कर रही है, लेकिन जितना वे हमें परेशान करेंगे, हम उतने ही मजबूत होंगे और बिहार में सरकार बनाएंगे।"

तेजस्वी यादव ने बिहार में बढ़ते अपराध को लेकर भी सरकार पर हमला बोला। उन्होंने कहा, "पिछले 20 सालों में राज्य में 60,000 हत्याएं हुईं, 7,000 से ज्यादा अपहरण के मामले सामने आए, और 25,000 से अधिक रेप के केस दर्ज हुए। गृह मंत्रालय और NCRB के आंकड़े बताते हैं कि बिहार में अपराधी बेखौफ घूम रहे हैं, जबकि मुख्यमंत्री खुद अचेत अवस्था में हैं।"