महाकुंभ में मौनी अमावस्या पर स्नान के इंतजार में झारखंड की गायत्री देवी बालू पर सो रहीं थीं, भगदड़ में चली गई जान


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डेस्क: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में लगे महाकुंभ 2025 में मची भगदड़ में झारखंड के पलामू जिले की एक महिला की मौत हो गई है. मृतका की बहन काफी देर तक लापता रहीं. हालांकि बाद में उनका पता चल गया. मृतका की बहन गंभीर रूप से घायल हो गईं हैं और प्रयागराज के एक अस्पताल में उनका इलाज चल रहा है. भगदड़ में जान गंवाने वाली महिला पलामू जिले के रेहला थाना क्षेत्र के तोलरा गांव की रहने वाली थी. गायत्री देवी (60) अमरेश पांडेय की पत्नी थीं. भगदड़ में मृतका की एक बहन लापता हो गई थी. गायत्री देवी का एक बेटा सीआरपीएफ में है. वह प्रयागराज क्षेत्र में ही ड्यूटी पर तैनात है. शव को पलामू लाया जा रहा है.

जानकारी के अनुसार, अमरेश पांडेय अपनी पत्नी गायत्री देवी अपने रिश्तेदारों के साथ सोमवार को महाकुंभ में स्नान करने के लिए प्रयागराज गये थे. सभी लोग मंगलवार को दोपहर में कुंभ मेला क्षेत्र पहुंच गये थे. मौनी अमावस्या पर प्रातः स्नान के लिए मंगलवार की रात को त्रिवेणी संगम (गंगा-यमुना-सरस्वती के संगम) तट के किनारे बालू पर ही सो गये थे.

इसी बीच, मंगलवार की देर रात अचानक भगदड़ मच गयी. भगदड़ में गायत्री देवी भीड़ के नीचे दब गयीं और उनकी मौत हो गयी. भगदड़ में गायत्री देवी के साथ प्रायगराज गयीं उनकी बहन तेतरी देवी गंभीर रूप से घायल हो गयीं. तेतरी देवी गढ़वा जिले के झुरा गांव निवासी कयास दुबे की पत्नी हैं. कयास दुबे भी साथ में कुंभ स्नान के लिए गये थे.

मुख्यमंत्री स्कूल ऑफ एक्सीलेंस में नामांकन के लिए ऑनलाइन और ऑफलाइन आवेदन शुरू

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झारखंड डेस्क 

मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन सरकार ने शिक्षा में सुधार के लिए झारखंड में स्तरीय शिक्षा के लिए मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय शुरू किया जिसको एक बड़ा कदम माना जा रहा है.

 पहले चरण में झारखंड सरकार ने राज्य के 80 मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालयों शुरू की जिसमें सीबीएसई पैटर्न पर चलाया जा रहा है। सरकार की इस पहल को अभिभावकों ने भी हाथों हाथ लिया और पिछले साल लगभग सभी जगह बड़ी संख्या में नामांकन हुए। इस वर्ष भी इसमें नामांकन के लिए ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों व्यवस्था की गयी है।

सीबीएसई पैटर्न पर चलते हैं सभी स्कूल

मुख्यमंत्री स्कूल ऑफ एक्सीलेंस पूरी तरह सीबीएसई पैटर्न पर चलाये जाते हैं। प्रथम चरण में 80 स्कूल सुचारु रूप से चलाये जा रहे हैं। आनेवाले समय में इनकी संख्या 04 हजार 496 तक की जायेगी।

 इस विद्यालय में शिक्षा विभाग द्वारा इंफ्रास्ट्रक्चर से लेकर योग्य शिक्षकों के चयन तक में खास ख्याल रखा जाता है। हर स्कूल में लैंग्वेज लैब, कम्प्यूटर लैब, साइंस लैब, मैथ्स लैब, पुस्तकालय के साथ-साथ स्मार्ट क्लास की व्यवस्था की गयी है। 

साथ ही, छात्रों के शारीरिक विकास के लिए हर विद्यालयों में खेलकूद की पूरी सुविधा की गयी है। मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए आवेदन जमा करने की तारीख 20 जनवरी, 2025 से 10 फरवरी, 2025 तक रखी गयी है। इस सूचना के. बाद अभिभावकों में खासा उत्साह है.

हेमंत कैबिनेट की अहम बैठक होगी कल,कैबिनेट के प्रस्ताव को लेकर विभागों को भेजी गयी जानकारी, मईयाँ योजना की भी होगी समीक्षा


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झारखंड डेस्क 

हेमंत कैबिनेट की अहम बैठक कल होने वाली है। कैबिनेट के प्रस्ताव को लेकर विभागों को जानकारी भेज दी गयी है। शाम चार बजे ये बैठक मंत्रालय में होगी।

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में झारखंड कैबिनेट की बैठक में कई अहम प्रस्तावों पर मुहर लग सकती है। 29 जनवरी को प्रोजेक्ट भवन में शाम 4 बजे से होगी। मंत्रिपरिषद की बैठक के लिए विभिन्न विभागों से प्रस्ताव मांगे गये हैं।

माना जा रहा है कि हेमंत सरकार बजट सत्र की तैयारियोंकी समीक्षा के साथ-साथ मंईया सम्मान योजना को लेकर भी अहम निर्णय ले सकती है। दरअसल मंईया सम्मान योजना की राशि को लेकर लगातार विलंब हो रहा है, दूसरी तरफ से कई जगहों से लगातार शिकायतें आ रही है। ऐसे में योजना को लेकर सरकार कुछ अहम फैसला ले सकती है। वहीं बजट सत्र में पेश किये जाने वाले विधेयकों को लेकर भी चर्चा हो सकती है।

रांची में हुए प्रदर्शन को लेकर भाजपा नेताओं के खिलाफ दर्ज आपराधिक मामला रद्द,


सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि कोई विरोध प्रदर्शन पर निषेधाज्ञा लागू करना गलत है

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झा. डेस्क 

सुप्रीम कोर्ट ने वर्ष 2023 में रांची में हुए प्रदर्शन को लेकर भाजपा नेताओं के खिलाफ दर्ज आपराधिक मामला रद्द करने के हाइकोर्ट के फैसले को चुनौती देनेवाली झारखंड सरकार की एसएलपी पर सुनवाई की. 

जस्टिस अभय एस ओका व जस्टिस उज्ज्वल भुइयां की पीठ ने पक्ष सुनने के बाद अपील खारिज करते हुए कहा कि वह झारखंड हाइकोर्ट के 14 अगस्त 2024 के आदेश में हस्तक्षेप नहीं करना चाहती. शीर्ष अदालत की पीठ ने कहा कि आज कल जब भी कोई विरोध प्रदर्शन होता है, तो निषेधाज्ञा लागू करने का चलन बन गया है.

अगर हम हस्तक्षेप करते हैं, तो इससे गलत संदेश जायेगा. अगर कोई प्रदर्शन करना चाहता है, तो सीआरपीसी की धारा 144 के तहत आदेश जारी करने की क्या जरूरत है. ऐसा इसलिए होता है क्योंकि सीआरपीसी की धारा-144 का दुरुपयोग किया जा रहा है. वहीं झारखंड सरकार की ओर से पेश वकील ने सुनवाई की शुरुआत में कहा कि दंड प्रक्रिया संहिता (सीआरपीसी) की धारा-144 के तहत निषेधाज्ञा लागू होने के बावजूद आरोपियों ने विरोध प्रदर्शन किया था, जो हिंसक हो गया और प्रशासनिक अधिकारियों सहित कई लोग घायल हो गये थे.

हाइकोर्ट ने गलत निष्कर्ष निकालते हुए कहा है कि उन्हें विरोध करने का अधिकार है. वकील ने कहा कि प्रदर्शन हिंसक हो गया और पथराव किया गया. भाजपा नेताओं ने 11 अप्रैल 2023 को रांची में विरोध प्रदर्शन किया था, जिसमें 5,000 से अधिक लोगों ने उस समय भाग लिया, जब सीआरपीसी की धारा-144 के तहत निषेधाज्ञा लागू थी. उल्लेखनीय है कि झारखंड हाइकोर्ट ने वर्ष 2024 के अगस्त माह में भाजपा नेताओं के खिलाफ दर्ज मामले को खारिज करते हुए कहा था कि शांतिपूर्ण विरोध और प्रदर्शन आदि करने का अधिकार संविधान के अनुच्छेद 19(1)(ए) व 19(1)(बी) के तहत प्रदत्त लोगों का मौलिक अधिकार है. हाइकोर्ट के आदेश को झारखंड सरकार की अोर से चुनाैती दी गयी थी.

कुछ दिन पहले मंत्री इरफान अंसारी को जान से मारने की धमकी देने वाले आरोपी को पुलिस ने किया गिरफ्तार

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झा. डेस्क

स्वास्थ्य मंत्री डॉ इरफान अंसारी को जान से मारने की धमकी देने वाले अपराधी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. बता दें कि कुछ दिन पहले मंत्री इरफान अंसारी को जान से मारने और पूरे परिवार को बम से उड़ाने के धमकी मिली थी.

जानकारी के मुताबिक उन्हें विगत कुछ दिनों से लगातार धमकी भरे कॉल्स आ रहे थे. इसके अलावा सोशल मीडिया पर धमकी भरे वीडियो पोस्ट की जा रही थी.

आरोपी एक कुख्यात अपराधी है. जो माले बम ब्लास्ट कांड का अभियुक्त भी है. और उस पर दर्जनों मुकदमे दर्ज हैं.

बता दें कि नारायणपुर पुलिस ने इसके पुराने इतिहास को भी खंगाल रही है.

पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और उससे पूछताछ कर रही है. प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि अपराधी को सख्त से सख्त सजा दिलाई जाएगी.

माओवादी संघटन से अलग होकर, अलग गुट बनाने वाले के सरगना की पीट पीट कर कर दी गयी हत्या, पढ़िए क्या है पूरी खबर...!


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झा. डेस्क 

 लातेहार जिले में माओवादियों के अलग हुए गुट ‘झारखंड संघर्ष मुक्ति मोर्चा’ (झासमुमो) के प्रमुख को ग्रामीणों ने कथित तौर पर बुरी तरह पीटा, जिसके बाद अस्पताल में उसने दम तोड़ दिया. पुलिस ने मंगलवार को यह जानकारी देते हुए बताया कि इस घटना में झासमुमो के दो सदस्य गंभीर रूप से घायल भी हुए हैं. यह घटना चंदवा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले बारी गांव में सोमवार रात हुई.

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार प्रतिबंधित संगठन झारखंड संघर्ष मुक्ति मोर्चा के सदस्यों और ग्रामीणों के बीच वसूली को लेकर झड़प हुई. लातेहार के पुलिस अधीक्षक कुमार गौरव ने कहा, “गुट के सात सदस्य गांव के एक ईंट भट्ठे पर वसूली के लिए गए थे, जिसके बाद झड़प शुरू हो गई. इस दौरान झासमुमो के सरगना किशोर उर्फ अभय नायक और दो अन्य सदस्यों को ग्रामीणों ने पीट दिया, जबकि चार अन्य मौके से भागने में सफल रहे.

उन्होंने बताया कि नायक ने चंदवा अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया. घायलों का इलाज जारी है. अधिकारी ने कहा कि नायक के खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज थे और वह पहले भी जेल जा चुका था.

अभिषेक कुमार सिंह हत्याकांड का पुलिस ने किया उद्भेदन, आपसी अदावत में मा’रा गया था अभिषेक,


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रांची: आपसी अदावत को लेकर अभिषेक कुमार सिंह की हत्या कर दी गई थी। अभिषेक और आजाद अंसारी में पुरानी अदावत जरूर थी, पर दोनों एक साथ बैठकर गांजा पीया करते थे। बीते 22 जनवरी को गांजा पीने के लिये दोनों साथ बैठे थे। गांजा और कोरस पीने के बाद आजाद अंसारी ने चाकू से मारकर अभिषेक की हत्या कर दी। 

हत्या में गांजा काटने वाले चाकू का ही इस्तेमाल किया गया। करीब 16 से 17 बार चाकू से प्रहार किया गया। इस कांड में आजाद अंसारी का साथ उसके दोस्त नसीम, राजू और युनूस ने दिया। पकड़े गये संदेही गुनहगारों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। 

वहीं हत्या के पीछे छुपे सारे राज उगल दिये। हत्या में इस्तेमाल चाकू और मारे गये अभिषेक का एक बैग भी बरामद कर लिया गया। इस संबंध में मृतक अभिषेक की मां मनोरमा देवी रांची के चान्हो थाना में केस दर्ज कराई थी। …

झारखंड पेरेंट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष अजय राय ने किया मांग,कोचिंग संस्थानों पर सरकार का नियंत्रण हो

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रांची : राजधानी रांची के फिटजी कोचिंग संस्थान के दोनों सेंटर के बंद हो जाने पर चिंता जताई गई है। 

झारखंड पेरेंट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष अजय राय ने यह चिंता जताते हुये कहा कि अपने बाल-बच्चों को पढ़ाने के लिये गार्जियन लाखों रुपये खर्च कर जाते हैं, पर कोचिंग संस्थानों पर सरकार का कोई नियंत्रण नहीं है, जिसके चलते इस तरह के कारनामे को अंजाम दिया जा रहा है। 

उन्होंने शासन-प्रशासन से फिटजी कोचिंग प्रबंधक को खोज निकालने की मांग की है, ताकि पीड़ित स्टूडेंट को इंसाफ मिल सके।

जामताड़ा में 'ऐप' से 'साइबर ट्रैप : बिना ओटीपी मोबाइल हैक, 10 करोड़ की ठगी; नए गिरोह के 6 सदस्य गिरफ्तार

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जामताड़ा : झारखंड में जामताड़ा के साइबर अपराधियों ने अब बिना ओटीपी मोबाइल हैक से ठगी करना शुरू किया है। इस गिरोह के सदस्यों ने अब तक पूरे देश में हजारों लोगों से लगभग 10 करोड़ रुपये की ठगी कर ली।

इन साइबर अपराधियों पर लगाम लगाने के लिए साइबर पुलिस और झारखंड सीआईडी तकनीकी सहायता टीम ने केंद्रीय गृह मंत्रालय के साथ मिलकर काम करने का फैसला लिया है।

जामताड़ा के एसपी डॉ. एहतेशाम बकारीब ने बताया कि साइबर पुलिस ने एक ऐसे नए गिरोह का भंडाफोड़ किया है जो अब बिना ओटीपी भेज ही लोगों के मोबाइल को हैक कर लेता है और साइबर ठगी करते हैं। ऐसे गिरोह जामताड़ा गिरिडीह देवघर धनबाद में सक्रिय है।

क्या है साइबर ठगी का नया तरीका

एसपी डॉक्टर एहतेशाम बकारीब ने बताया कि साइबर अपराधी के नए गिरोह लोगों के मोबाइल पर मैसेज के माध्यम से एपेक अप भेजते हैं और जैसे ही मोबाइल संचालक उस ऐप को खोलते हैं उनका मोबाइल पूरी तरह हैक हो जाता है। और इसी का फायदा उठाकर साइबर अपराधी उनके मोबाइल से सभी तरह के मैसेज और उत्तर को हैक कर अकाउंट खाली कर देते हैं। साथ ही लोगों को अपने ठगी का शिकार बनाते हैं।

2700 लोगों को भेजें ढाई लाख मैसेज

एसपी ने बताया कि पकड़े गए नए साइबर अपराधियों के मोबाइल से कुल 2700 लोगों को ढाई लाख मैसेज भेजे गए हैं। जिसमें कई कई शिकार बन चुके हैं और कई को शिकार बनाने में वो असफल रहे हैं। यही कारण है कि सीआईडी तकनीकी की सहायता टीम इस मामले में पूरी गंभीर है और गृह मंत्रालय से सहयोग ले रही है।

लग्जरी जीवन जीते हैं यह साइबर अपराधी

पुलिस ने बताया कि इस गिरोह के सदस्य लग्जरी जीवन जीने की शौकीन है। इन लोगों के पास कई चार पहिया गाड़ी लैपटॉप डीएसएलआर कैमरा ड्रोन कैमरा दर्जनों मोबाइल मिले हैं। और यह लोग लग्जरी जीवन जीने की शौकीन है और ऐसो आराम के लिए दूर-दूर तक भ्रमण करते रहते हैं।

अल्ट्रासाउंड केंद्रों के लिए फायर सेफ्टी का एनओसी अनिवार्य

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धनबाद : जिले में अल्ट्रासोनोग्राफी केंद्र संचालन के लिए अग्निशमन विभाग का फायर सेफ्टी एनओसी अनिवार्य होगा। बिना इसके अब केंद्र का रजिस्ट्रेशन पीसी एंड पीएनडीटी के तहत नहीं होगा।

यह निर्देश डीसी माधवी मिश्रा ने स्वास्थ्य अधिकारियों को दिया है। डीसी शनिवार को समाहरणालय में पीसी एंड पीएनडीटी एक्ट के जिला सलाहकार समिति की बैठक की अध्यक्षता कर रही थीं।

बैठक में डीसी ने कन्या भ्रूण हत्या की रोकथाम के लिए टीम बनाकर अल्ट्रासोनोग्राफी केंद्रों की जांच करने और प्रसव पूर्व लिंग जांच में संलिप्त केन्द्रों के खिलाफ कार्रवाई का निर्देश दिया है। बैठक में नए रजिस्ट्रेशन के लिए आए दो आवेदनों और रिन्युअल के लिए आए चार आवेदनों पर विचार विमर्श किया गया। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि अल्ट्रासाउंड सेन्टर के नए रजिस्ट्रेशन और रिन्यूअल के आवेदन में फायर सेफ्टी का एनओसी अनिवार्य रूप से लिया जाए। रेडियोलोजिस्ट या सोनोलॉजिस्ट को अल्ट्रासाउंड केंद्रों में उपस्थित रहने के समय की भी लिखित सूचना देनी होगी और केंद्र पर उसे प्रदर्शित करनी होगी।

 बैठक में सिविल सर्जन डॉ. चंद्रभानु प्रतापन, नोडल पदाधिकारी डॉ. विकाश कुमार राणा, डॉ. सुनील वर्मा, डॉ. राकेश इंदर, डॉ नीतू सहाय, डॉ गायत्री सिंह, डॉ. शम्स तबरेज आलम, समित प्रकाश, कार्यपालक दंडाधिकारी रविंद्रनाथ ठाकुर, नीता सहाय, पूजा रत्नाकर आदि शामिल थे।