आधे-अधूरे सच को 'जीत' बताना झामुमो की हताशा": प्रतुल शाहदेव का हेमंत सोरेन पर पलटवार

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राँची: भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने बुधवार को प्रेस वार्ता कर झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के उन दावों की हवा निकाल दी, जिसमें मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को सुप्रीम कोर्ट से मिली राहत को 'ऐतिहासिक' बताया जा रहा था। प्रतुल ने स्पष्ट किया कि न्यायपालिका के निर्णयों को राजनीतिक लाभ के लिए तोड़-मरोड़ कर पेश करना लोकतंत्र के लिए खतरनाक है।

समन विवाद और 'तकनीकी' राहत:

प्रतुल शाहदेव ने कहा कि झामुमो जिस राहत का ढिंढोरा पीट रहा है, वह केवल समन की अवहेलना (Non-compliance) से जुड़े तकनीकी पक्ष पर मिली अस्थायी रोक है। उन्होंने जोर देकर कहा कि "कथित भूमि घोटाला" से संबंधित मुख्य आपराधिक मामला आज भी यथावत है और मुख्यमंत्री की मुश्किलें कम नहीं हुई हैं। उन्होंने झामुमो को सलाह दी कि वे आधे-अधूरे सच को परोस कर जनता को गुमराह न करें।

पश्चिम बंगाल मामले पर स्पष्टीकरण:

जेएमएम द्वारा उठाए गए दूसरे मुद्दे पर पलटवार करते हुए प्रतुल ने कहा कि पश्चिम बंगाल में मतदाता सूची में 80 लाख विसंगतियां पाई गई थीं, जिसके बाद सुप्रीम कोर्ट को हस्तक्षेप करना पड़ा। यह स्थानीय प्रशासन की निष्पक्षता पर कोर्ट का अविश्वास था। इसे राजनीतिक चश्मे से देखना झामुमो की संकीर्ण सोच को दर्शाता है।

निष्कर्ष:

शाहदेव ने अंत में कहा कि भाजपा हमेशा कानून के शासन और न्यायपालिका का सम्मान करती है। उन्होंने मुख्यमंत्री को चुनौती दी कि वे कानूनी प्रक्रियाओं को 'राजनीतिक ढाल' बनाने के बजाय जांच का सामना करें, ताकि दूध का दूध और पानी का पानी हो सके।

विकास की बलि नहीं चढ़ेंगे ग्रामीण, पहले न्याय मिले फिर हो कार्य". -- विधायक रोशन लाल चौधरी

झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के दौरान बड़कागांव विधानसभा क्षेत्र के विधायक रोशन लाल चौधरी ने केरेडारी क्षेत्र में संचालित सीसीएल (CCL) की चन्द्रगुप्त कोयला परियोजना से प्रभावित ग्रामीणों की समस्याओं को पुरजोर तरीके से सदन के पटल पर रखा। विधायक ने सरकार को कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि विकास के नाम पर ग्रामीणों के संवैधानिक अधिकारों का हनन किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।

मुआवजा और पुनर्वास पर गंभीर सवाल सदन को संबोधित करते हुए श्री चौधरी ने कहा कि एक ओर सीसीएल परियोजना शुरू करने की प्रक्रिया को तेज कर रहा है, वहीं दूसरी ओर प्रभावित और विस्थापित गांवों के रैयतों को अब तक उनकी भूमि का न्यायोचित मुआवजा नहीं मिला है। उन्होंने आरोप लगाया कि विस्थापित परिवारों के लिए रोजगार और पुनर्वास की कोई ठोस कार्ययोजना अब तक धरातल पर नहीं उतरी है, जो कि सरासर अन्याय है।

आगे विधायक रोशन लाल चौधरी ने सदन के माध्यम से सरकार से अपनी मांगों को रखते हुए अविलंब पूरा करने का आग्रह किया। जिसमें रैयतों को उनकी भूमि का वर्तमान बाजार दर से चार गुना मुआवजा दिया जाए। R&R नीति के तहत प्रभावित परिवारों का सम्मानजनक पुनर्वास सुनिश्चित हो। प्रभावित क्षेत्र के स्थानीय युवाओं को परियोजना में स्थायी नौकरी दी जाए। पुनर्वास स्थलों पर सड़क, शुद्ध पेयजल, बिजली, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और स्वास्थ्य केंद्रों की तत्काल व्यवस्था हो। उपरोक्त सभी व्यवस्थाएं पूर्ण होने और रैयतों की संतुष्टि के बाद ही खनन कार्य शुरू किया जाए। आगे विधायक रोशन लाल चौधरी ने कहा, "हम विकास के विरोधी नहीं हैं, लेकिन विकास की कीमत किसी गरीब ग्रामीण के आशियाने और उसकी आजीविका को छीनकर नहीं चुकाई जानी चाहिए।" उन्होंने क्षेत्र की जनता को आश्वस्त किया कि वे उनके सम्मान, अधिकार और सुरक्षित भविष्य के लिए सदन से लेकर सड़क तक अपना संघर्ष जारी रखेंगे।

झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन के पोते की मौत, दोस्तों के साथ कुल्लू गए थे वीर सोरेन

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झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन के पोते वीर सोरेन की मौत की खबर सामने आई है। यह घटना हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले में हुई। सूचना के बाद पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन, उनके बेटे बाबूलाल सोरेन सहित उनके अन्य परिवारिक सदस्य शिमला के लिए रवाना हो गए हैं। स्थानीय पुलिस ने शव को कब्जे में लिया है।

तबीयत अचानक बिगड़ी

जानकारी के मताबिक, पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन के पोते वीर सोरेन अपने दोस्तों के साथ कुल्लू मनाली घूमने गए थे। बताया जा रहा है कि बर्फ में खेलने और ठंड में समय बिताने के बाद वे अपने होटल लौटे थे। बताया जा रहा है कि होटल पहुंचने के कुछ ही समय बाद वीर सोरेन की तबीयत अचानक बिगड़ गई और वे बेहोश हो गए। उनके दोस्तों ने तुरंत उन्हें नजदीकी अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल में डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। फिलहाल मौत का सटीक कारण स्पष्ट नहीं हुआ है।

पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार

प्रारंभिक तौर पर मौत के कारणों का स्पष्ट खुलासा नहीं हो पाया है, जिससे घटना को संदिग्ध माना जा रहा है। स्थानीय प्रशासन द्वारा मामले की जांच शुरू कर दी गई है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है, जिसके बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा।

झारखंड में शोक की लहर

चंपई सोरेन झारखंड की राजनीति में एक प्रमुख चेहरा रहे हैं और वह प्रदेश के पूर्व मुख्य्मंत्री रह चुके हैं। ऐसे में उनके पोते की असमय मृत्यु की खबर से राजनीतिक जगत में भी संवेदना व्यक्त की जा रही है।

भारत-पाक तनाव पर ट्रंप का बड़ा दावा, बोले- मैं दखल न देता तो खतरे में थी शहबाज शरीफ की जान

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अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप आए दिन भारत-पाकिस्तान संघर्ष रूकवाने का दावा करते रहे हैं। ट्रंप ने एक बार फिर दोनों देशों को लेकर चौंकाने वाला दावा किया है। कांग्रेस के जॉइंट सेशन में भारत और पाकिस्तान संघर्ष पर ट्रंप ने फिर कहा कि भारत और पाकिस्तान का युद्ध उन्होंने रुकवाया है। यह न्यूक्लियर वॉर हो सकती थी, करीब साढ़े तीन करोड़ लोग मारे जाते। अगर मैं इसमें शामिल नहीं होता तो पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ भी मारे जाते।

10 महीनों में आठ युद्ध रोकने का दावा

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिकी संसद में संबोधन देते हुए फिर भारत और पाकिस्तान संघर्ष का जिक्र किया। ट्रंप ने अपने संबोधन में कहा कि अपने कार्यकाल के पहले 10 महीनों में उन्होंने आठ युद्ध समाप्त किए।

‘35 मिलियन लोग मारे गए होते’

ट्रंप ने यह भी कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच हालात इतने गंभीर हो गए थे कि स्थिति परमाणु संघर्ष तक पहुंच सकती थी। उन्होंने देश की संसद में दावा किया कि शहबाज़ शरीफ ने उनसे कहा था कि अगर वह दखल नहीं देते तो पिछले साल के ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान में 35 मिलियन लोग मारे गए होते।

बार-बार भारत-पाक जंग रूकवाने का दावा

ये पहली बार नहीं है जब ट्रंप ने भारत-पाक संघर्ष को लेकर इस तरह का दावा किया है। हां, शहबाज शरीफ को लेकर ये दावा बिल्कुल नया है। हाल के महीनों में डोनाल्ड ट्रंप ने बार-बार कहा है कि उन्होंने ही भारत-पाकिस्तान टकराव को रोका है। उन्होंने लगातार कहा है कि उनके एडमिनिस्ट्रेशन ने दोनों देशों को तनाव बढ़ाने से रोकने के लिए ट्रेड एग्रीमेंट और टैरिफ़ उपायों का इस्तेमाल किया।

भारत ने हमेशा ट्रंप के दावों को नकारा

हालांकि, भारत ने हमेशा से डोनाल्ड ट्रंप के दावों को नकारा है। जबकि पाकिस्तान ने डोनाल्ड ट्रंप को भारत-पाकिस्तान युद्ध रूकवाने के लिए क्रेडिट दिया है। पाकिस्तान ने डोनाल्ड ट्रंप को नोबेल शांति पुरस्कार के लिए भी नामांकित किया है। शहबाज शरीफ ने पिछले दिनों बोर्ड ऑफ गाजा पीस के दौरान भी ट्रंप की तारिफ की थी और कहा था कि ट्रंप की वजह से 35 मिलियन लोगों की जान बच गई।

Abhi Arora Strengthens Way Ahead Marketing’s Position in D2C and Finance Marketing Sectors

Digital Commerce News | 2026

The convergence of entrepreneurship and performance marketing has given rise to a new breed of agency founders. Among them is Abhi Arora, who started his eCommerce journey in 2017 at just 20 years old and now leads Way Ahead Marketing.

After eight years of experience navigating Shopify ecosystems and digital ad platforms, Arora established his agency to help other founders avoid the costly trial-and-error phase he once experienced.

A 360° Growth Model

Way Ahead Marketing offers a comprehensive service model including:

Shopify store setup and technical optimization

Meta Ads campaign management

Google Ads scaling strategies

Store management consultation

Data-driven performance tracking

The firm’s 360-degree framework is designed to align infrastructure, traffic acquisition, and conversion optimization under one strategy.

Supporting D2C, Forex, and Finance Brands

The agency has consulted numerous D2C brands and startups, helping them establish operational clarity and profitable advertising systems. Several clients have reportedly scaled to multi-million-dollar revenues through structured Meta campaign execution.

Beyond retail, Way Ahead Marketing has worked with forex trading prop firms and finance companies, assisting them in reaching targeted audiences through precision digital advertising.

As digital competition continues to intensify in 2026, Arora’s operator-to-agency journey underscores a growing industry trend: founders with real business experience are increasingly shaping the future of performance marketing.

भारी वाहन गाड़ी कि साइड लगने से कार हुई क्षतिग्रस्त और चार लोग घायल,अस्पताल में भर्ती*
जनपद सुल्तानपुर जिले के दोस्तपुर क्षेत्र के
पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर मदनपुर गांव के पास मंगलवार कि सुबह भोर में आजमगढ़ से लखनऊ जा रही कार ट्रक की साइड लगने से क्षतिग्रस्त हो गई। इस दौरान कार सवार पंजाब के डेराबसी अंबाला निवासी ललिता,पवन गुप्ता,सचिन गुप्ता व अशोक पासवान घायल हो गए। सभी घायलों को सीएचसी दोस्तपुर पहुंचाया गया। वहां से गंभीर घायल सचिन गुप्ता को जिला अस्पताल अंबेडकरनगर रेफर कर दिया
यूपीडा के सहायक सुरक्षा अधिकारी श्री सिंह ने बताया कि दुर्घटना लगभग 5:15 बजे हुई है। कार आजमगढ़ से लखनऊ जा रही थी। जहां सुनने में आया कि मदनपुर गांव के पास आगे जा रहे ट्रक ने कार को साइड मार दी। जिससे कार चालक अंबाला के सद्दोपुर बलदेव नगर निवासी प्रवीण कुमार ने कार का संतुलन खो दिया। कार पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे की रेलिंग से टकराकर क्षतिग्रस्त हो गई। घायलों को एंबुलेंस से दोस्तपुर सीएचसी पहुंचाया गया। दुर्घटना के बाद ट्रक लेकर चालक भाग निकला। दोस्तपुर थाने के प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि दुर्घटना के बारे में जानकारी नहीं मिली है। तहरीर मिलने पर प्राथमिकी दर्ज की जाएगी।
केशव प्रसाद मौर्य के जर्मनी दौरे से निवेश को नई गति, रक्षा व उन्नत विनिर्माण पर विशेष फोकस
* न्यूरेम्बर्ग में उच्चस्तरीय औद्योगिक संवाद, एयरोस्पेस व ड्रोन तकनीक में सहयोग की संभावनाएं मजबूत

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य एवं आईटी मंत्री सुनील कुमार शर्मा के नेतृत्व में जर्मनी दौरे पर गए राज्य प्रतिनिधिमंडल ने निवेश, रक्षा विनिर्माण, एयरोस्पेस सहयोग एवं औद्योगिक साझेदारी के क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण बैठकें कीं।
जर्मनी के न्यूरेम्बर्ग में उप मुख्यमंत्री ने NürnbergMesse Group के सीईओ Peter Ottmann से भेंट कर उत्तर प्रदेश में निवेश की संभावनाओं एवं औद्योगिक सहयोग पर विस्तृत चर्चा की। प्रतिनिधिमंडल ने प्रदेश की निवेशक-अनुकूल नीतियों, विश्वस्तरीय अवसंरचना और कुशल मानव संसाधन की जानकारी देते हुए जर्मन उद्योग जगत को उत्तर प्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित किया।
इसी क्रम में जर्मन–इजराइली कंपनी Quantum Technologies के साथ रणनीतिक बैठक आयोजित हुई। कंपनी मानव रहित ड्रोन तकनीक, रक्षा-स्तरीय टोही प्रणाली तथा 160 किमी तक की परिचालन क्षमता वाले उच्च-ऊंचाई प्लेटफॉर्म विकसित करने में विशेषज्ञ है। उत्तर प्रदेश सरकार ने कंपनी को राज्य में विनिर्माण एवं अनुसंधान एवं विकास (R&D) केंद्र स्थापित करने का प्रस्ताव दिया। बैठक में विनिर्माण, कौशल विकास एवं प्रौद्योगिकी हस्तांतरण के क्षेत्रों में दीर्घकालिक सहयोग पर सहमति बनी।
प्रतिनिधिमंडल ने जर्मनी की प्रमुख रक्षा एवं हथियार निर्माण कंपनियों का भी दौरा कर उन्नत ड्रोन तकनीक, अगली पीढ़ी की हथियार प्रणालियां, प्रिसिजन मैन्युफैक्चरिंग तथा अत्याधुनिक रडार प्रौद्योगिकी में निवेश की संभावनाओं पर विचार-विमर्श किया। उत्तर प्रदेश को एयरोस्पेस एवं रक्षा निवेश के प्रमुख गंतव्य के रूप में प्रस्तुत किया गया।
न्यूरेम्बर्ग में भारत के राजदूत अजीत गुप्ते के साथ आयोजित रात्रि भोज में औद्योगिक विकास एवं निवेश अवसरों पर चर्चा हुई। साथ ही जर्मनी में भारत के कांसल जनरल शत्रुघ्न सिन्हा से भी द्विपक्षीय सहयोग को सुदृढ़ करने पर विचार-विमर्श किया गया।
इससे पूर्व उप मुख्यमंत्री ने जर्मनी स्थित Motherson Sumi प्लांट का भ्रमण किया तथा फ्रैंकफर्ट में आयोजित इन्वेस्टर्स कॉन्क्लेव में उत्तर प्रदेश की औद्योगिक संभावनाओं को प्रस्तुत किया।
‘Invest UP’ पहल के अंतर्गत फ्रैंकफर्ट एयरपोर्ट क्षेत्र के प्रतिनिधियों — Manfred Ockel (Mayor of Kelsterbach), David Rendel (Mayor of Raunheim) तथा Stephan Wittekind (CEO, Innovation RheinMain) — से भेंट कर लॉजिस्टिक्स, डाटा सेंटर, नवाचार एवं औद्योगिक विकास के क्षेत्र में सहयोग पर चर्चा हुई। वार्ता का मुख्य केंद्र फ्रैंकफर्ट एयरपोर्ट और नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के बीच संस्थागत सहयोग स्थापित करना रहा। दोनों पक्षों ने समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर कर दीर्घकालिक साझेदारी विकसित करने का संकल्प व्यक्त किया।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश पूर्वांचल, बुंदेलखंड, गंगा एवं यमुना एक्सप्रेसवे जैसे विशाल एक्सप्रेसवे नेटवर्क, डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर, बहु-मोडल लॉजिस्टिक्स पार्क और अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों के विस्तार के कारण एक मजबूत लॉजिस्टिक हब के रूप में उभर रहा है। राज्य में 70,000 एकड़ से अधिक भूमि बैंक निवेश के लिए उपलब्ध है तथा ‘निवेश मित्र’ सिंगल विंडो प्रणाली 40 से अधिक विभागों की 500 से अधिक सेवाएं ऑनलाइन उपलब्ध करा रही है।
उन्होंने टेक्सटाइल, अपैरल, लेदर, इलेक्ट्रॉनिक्स, सेमीकंडक्टर, मेडिकल डिवाइस पार्क, केमिकल एवं फार्मा पार्क तथा डिफेंस कॉरिडोर जैसे क्षेत्रों में जर्मन उद्योगों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि सुदृढ़ आधारभूत संरचना, कुशल मानव संसाधन और पारदर्शी सुशासन मॉडल के बल पर उत्तर प्रदेश वैश्विक निवेश गंतव्य के रूप में तेजी से उभर रहा है। इस दौरान अपर मुख्य सचिव (एमएसएमई एवं उद्योग) आलोक कुमार ने भी प्रदेश की औद्योगिक रणनीति एवं निवेश संवर्धन के संबंध में महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए।
मुझे अपने बब्बर शेर पर गर्व', शर्टलेस प्रदर्शन के बाद यूथ कांग्रेस चीफ उदय भानु की गिरफ्तारी पर बोले राहुल*

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इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 के दौरान भारत मंडपम में प्रोटेस्ट के मामले में इंडियन यूथ कांग्रेस के नेशनल प्रेसिडेंट उदय भानु चिब को गिरफ्तार किया गया है। कोर्ट ने दिल्ली पुलिस को चिब की 4 दिन की रिमांड को भी मंजूरी दे दी है। उदय भानु चिब की गिरफ्तारी के बाद कांग्रेस लीडर और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने उनके समर्थन में पोस्ट शेयर किया है और केंद्र सरकार की आलोचना की है।

कांग्रेस नेतृत्व कर रहा बचाव

एआई इम्पैक्ट समिट में यूथ कांग्रेस द्वारा किए गए शर्टलेस विरोध प्रदर्शन को बीजेपी ने इसे वैश्विक मंच पर भारत की छवि को धूमिल करने का एक शर्मनाक कृत्य बताया, जबकि यूथ कांग्रेस के इस प्रदर्शन का कांग्रेस लगातार बचाव कर रही है। राहुल गांधी समेत अन्य कांग्रेसी नेताओं ने केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल उठाया है।

अपने बब्बर शेर साथियों पर गर्व-राहुल गांधी

लोकसभा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि शांतिपूर्ण विरोध हमारी ऐतिहासिक धरोहर है। यह हमारे खून में है और हर भारतीय का लोकतांत्रिक अधिकार है। राहुल ने पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि मुझे युवा कांग्रेस के अपने बब्बर शेर साथियों पर गर्व है, जिन्होंने COMPROMISED PM के खिलाफ निडर होकर देश के हित में आवाज उठाई है।

खरगे ने सरकार पर बोला हमला

कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी अपने एक्स पोस्ट में युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं पर हुई कार्रवाई पर सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि युवा आज नौकरी के लिए तड़प रहे हैं। देश का माहौल खराब हो चुका है। पीएम मोदी के प्रति लोगों ने भारी रोष है। पीएम ने अमेरिका के सामने भी घुटने टेकते हुए सारी शर्तों को मान लिया, जिससे पूरा देश शर्मिंदा है। हकीकत में ट्रंप हमें गुलाम बना रहा है और बंधुआ मजदूर बनाने की दिशा में धकेला जा रहा है। यह काम मोदी कर रहे हैं।

क्या है पूरा मामला?

यह मामला उस समय चर्चा में आया जब युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने एआई समिट के दौरान बिना शर्ट पहने विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार की नीतियों, बढ़ती बेरोजगारी और एआई से जुड़े मुद्दों को लेकर नारेबाजी की। इस मामले में भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष भानु चिब के साथ कुल आठ लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इससे पहले सोमवार को आरोपियों जितेंद्र यादव, राजा गुर्जर व अजय कुमार को ग्वालियर को गिरफ्तार किया गया था। गिरफ्तारियों में बिहार के कुंदन यादव, कृष्णा हरि, उत्तर प्रदेश के अजय कुमार और तेलंगाना के नरसिम्हा यादव शामिल बताए गए हैं।

युवाओं के सपनों पर भारी पड़ रही सियासत.. रामगोविन्द अदालती आदेश के बाद भी समाधान नहीं। न्याय बनाम प्रशासनिक अवरोध
संजीव सिंह बलिया! उत्तर प्रदेश की शैक्षिक राजनीति और विधिक गलियारों में सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय की नियुक्तियों का प्रकरण एक मिसाल बन गया है। यह कहानी केवल एक अध्यादेश की नहीं, बल्कि हज़ारों बेरोजगारों के सपनों और न्यायपालिका बनाम कार्यपालिका के बीच खिंचती रस्साकशी की है। 1. 2013-14 का ऐतिहासिक निर्णय तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के कार्यकाल में सन् 2013-14 में एक महत्वपूर्ण अध्यादेश लाया गया था। इसका उद्देश्य संस्कृत शिक्षा के गिरते स्तर को सुधारना और महाविद्यालयों में शिक्षकों की भारी कमी को दूर करना था। उक्त बाते पूर्व नेता प्रतिपक्ष रामगोविन्द चौधरी ने सोमवार को एक बयान जारी कर कहा और बताया कि विश्वविद्यालय और संबद्ध महाविद्यालयों की प्रबंध समितियों को रिक्त पदों पर चयन की शक्ति दी गई। इस विकेंद्रीकरण से प्रक्रिया में तेजी आई और कई उच्च शिक्षित युवाओं को रोजगार मिला, जिससे संस्कृत की पाठशालाओं में रौनक लौटी। 2016-17 में सत्ता परिवर्तन के साथ ही इन नियुक्तियों पर रोक लगा दी गई। योगी सरकार के इस कदम ने न केवल नए रोजगारों पर ताला जड़ा, बल्कि कार्यरत शिक्षकों के भविष्य पर भी प्रश्नचिन्ह लगा दिया। इसके बाद शुरू हुआ अदालती संघर्ष का वह लंबा सिलसिला, जिसमें सरकार को हर मोड़ पर विधिक हार का सामना करना पड़ा अभ्यर्थियों ने सरकार के रोक के फैसले को चुनौती दी और कोर्ट ने अभ्यर्थियों के पक्ष में फैसला सुनाया। सरकार ने हार नहीं मानी और डबल बेंच में अपील की, लेकिन वहाँ भी न्याय की जीत हुई। अंततः मामला देश की सबसे बड़ी अदालत पहुँचा। 2021 में सुप्रीम कोर्ट ने भी सरकार की याचिका को खारिज करते हुए नियुक्तियों के पक्ष में मुहर लगा दी। पूर्व नेता विरोधी दल ने कहा कि 'न्याय में देरी, न्याय न मिलने के बराबर' विडंबना यह है कि देश की सर्वोच्च अदालत से आदेश आने के बावजूद योगी सरकार ने शासन स्तर पर विभिन्न तकनीकी पेच फंसाकर इन नियुक्तियों और उनके लाभों को बाधित किया जा रहा है। यह स्थिति न केवल न्यायालय की अवमानना (Contempt of Court) की श्रेणी में आती है, बल्कि उन युवाओं के साथ भी अन्याय है जो अपनी योग्यता सिद्ध कर चुके हैं। संस्कृत को भारत की आत्मा कहा जाता है, लेकिन जब इसी भाषा के विद्वान और शिक्षक अपनी आजीविका के लिए दर-दर भटकते हैं, तो यह व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है। यदि सरकारें अदालती आदेशों के बाद भी 'हथकंडे' अपनाकर नियुक्तियां रोकती हैं, तो यह लोकतांत्रिक मूल्यों का हनन है। योगी सरकार और प्रशासन को अब हठधर्मिता छोड़कर सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय का सम्मान करना चाहिए ताकि संस्कृत शिक्षा का संरक्षण हो सके और युवाओं को उनका उचित हक मिल सके। (रामगोविन्द चौधरी) पूर्व नेता प्रतिपक्ष उoप्र
सीएम योगी आज सिंगापुर-जापान दौरे पर रवाना
यूपी को ‘मैन्युफैक्चरिंग हब ऑफ इंडिया’ बनाने की मुहिम तेज, 33 वैश्विक कंपनियों से करेंगे संवाद

लखनऊ। उत्तर प्रदेश को ‘मैन्युफैक्चरिंग हब ऑफ इंडिया’ बनाने के लक्ष्य के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज चार दिवसीय सिंगापुर और जापान दौरे पर रवाना होंगे। वर्ष 2017 में म्यांमार यात्रा के बाद यह उनका पहला विदेशी दौरा है, जिसे प्रदेश की निवेश कूटनीति के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है।
23-24 फरवरी को सिंगापुर और 25-26 फरवरी को जापान प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री 33 वैश्विक कंपनियों के शीर्ष प्रतिनिधियों से मुलाकात कर प्रदेश में निवेश, तकनीकी सहयोग और औद्योगिक विस्तार के अवसरों पर चर्चा करेंगे।

* जी-टू-बी और राउंड टेबल मीटिंग में होगा सीधा संवाद
दौरे की खास बात यह होगी कि मुख्यमंत्री जी-टू-बी (गवर्नमेंट टू बिजनेस) बैठकों और राउंड टेबल मीटिंग के माध्यम से निवेशकों से सीधे संवाद करेंगे। वे उत्तर प्रदेश के औद्योगिक रोडमैप, नीति स्थिरता, भूमि बैंक, एक्सप्रेसवे नेटवर्क, लॉजिस्टिक्स व्यवस्था और कौशल विकास की संभावनाओं पर स्पष्ट और परिणामोन्मुख चर्चा करेंगे। मुख्यमंत्री प्रवासी भारतीयों और उत्तर प्रदेश मूल के लोगों को संबोधित करने के साथ स्कूली बच्चों से भी संवाद करेंगे और प्रदेश की बदली तस्वीर साझा करेंगे।

* सिंगापुर में 25 कंपनियों से मुलाकात
सिंगापुर प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री 25 प्रमुख कंपनियों के प्रतिनिधियों से मिलेंगे।

* डेटा सेंटर और टेक्नोलॉजी: Google, ST Telemedia Global Data Centres

* एग्रीबिजनेस: Japfa, Olam International

* लॉजिस्टिक्स और इंफ्रास्ट्रक्चर: Mapletree Investments, SATS Ltd

* ग्रीन और सौर ऊर्जा: AVPN, EDP Renewables

* इंडस्ट्रियल पार्क और एविएशन: Sembcorp Industries, Singapore Airlines Engineering Company

* ग्लोबल फंड्स: Temasek Holdings, GIC, Blackstone Inc.

* फिनटेक व बैंकिंग: DBS Bank

* जापान में ऑटोमोबाइल और सेमीकंडक्टर पर फोकस
जापान प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री आठ प्रमुख कंपनियों से निवेश वार्ता करेंगे।

* ऑटोमोबाइल: Kubota, Suzuki

* सेमीकंडक्टर: Tokyo Electron

* इलेक्ट्रॉनिक्स: Toshiba

- ग्रीन हाइड्रोजन व रियल एस्टेट: Marubeni

* वन ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था की ओर कदम
प्रदेश सरकार का मानना है कि 25 करोड़ की आबादी वाला उत्तर प्रदेश उत्पादन और उपभोग दोनों का बड़ा केंद्र बन सकता है। मजबूत कानून व्यवस्था, नीति स्थिरता और तीव्र कनेक्टिविटी के आधार पर यह दौरा राज्य को वन ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।मुख्यमंत्री की यह विदेश यात्रा न केवल निवेश आकर्षित करने का प्रयास है, बल्कि वैश्विक मंच पर ‘ब्रांड यूपी’ को सशक्त पहचान दिलाने की दिशा में भी एक निर्णायक कदम साबित हो सकती है।
आधे-अधूरे सच को 'जीत' बताना झामुमो की हताशा": प्रतुल शाहदेव का हेमंत सोरेन पर पलटवार

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राँची: भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने बुधवार को प्रेस वार्ता कर झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के उन दावों की हवा निकाल दी, जिसमें मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को सुप्रीम कोर्ट से मिली राहत को 'ऐतिहासिक' बताया जा रहा था। प्रतुल ने स्पष्ट किया कि न्यायपालिका के निर्णयों को राजनीतिक लाभ के लिए तोड़-मरोड़ कर पेश करना लोकतंत्र के लिए खतरनाक है।

समन विवाद और 'तकनीकी' राहत:

प्रतुल शाहदेव ने कहा कि झामुमो जिस राहत का ढिंढोरा पीट रहा है, वह केवल समन की अवहेलना (Non-compliance) से जुड़े तकनीकी पक्ष पर मिली अस्थायी रोक है। उन्होंने जोर देकर कहा कि "कथित भूमि घोटाला" से संबंधित मुख्य आपराधिक मामला आज भी यथावत है और मुख्यमंत्री की मुश्किलें कम नहीं हुई हैं। उन्होंने झामुमो को सलाह दी कि वे आधे-अधूरे सच को परोस कर जनता को गुमराह न करें।

पश्चिम बंगाल मामले पर स्पष्टीकरण:

जेएमएम द्वारा उठाए गए दूसरे मुद्दे पर पलटवार करते हुए प्रतुल ने कहा कि पश्चिम बंगाल में मतदाता सूची में 80 लाख विसंगतियां पाई गई थीं, जिसके बाद सुप्रीम कोर्ट को हस्तक्षेप करना पड़ा। यह स्थानीय प्रशासन की निष्पक्षता पर कोर्ट का अविश्वास था। इसे राजनीतिक चश्मे से देखना झामुमो की संकीर्ण सोच को दर्शाता है।

निष्कर्ष:

शाहदेव ने अंत में कहा कि भाजपा हमेशा कानून के शासन और न्यायपालिका का सम्मान करती है। उन्होंने मुख्यमंत्री को चुनौती दी कि वे कानूनी प्रक्रियाओं को 'राजनीतिक ढाल' बनाने के बजाय जांच का सामना करें, ताकि दूध का दूध और पानी का पानी हो सके।

विकास की बलि नहीं चढ़ेंगे ग्रामीण, पहले न्याय मिले फिर हो कार्य". -- विधायक रोशन लाल चौधरी

झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के दौरान बड़कागांव विधानसभा क्षेत्र के विधायक रोशन लाल चौधरी ने केरेडारी क्षेत्र में संचालित सीसीएल (CCL) की चन्द्रगुप्त कोयला परियोजना से प्रभावित ग्रामीणों की समस्याओं को पुरजोर तरीके से सदन के पटल पर रखा। विधायक ने सरकार को कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि विकास के नाम पर ग्रामीणों के संवैधानिक अधिकारों का हनन किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।

मुआवजा और पुनर्वास पर गंभीर सवाल सदन को संबोधित करते हुए श्री चौधरी ने कहा कि एक ओर सीसीएल परियोजना शुरू करने की प्रक्रिया को तेज कर रहा है, वहीं दूसरी ओर प्रभावित और विस्थापित गांवों के रैयतों को अब तक उनकी भूमि का न्यायोचित मुआवजा नहीं मिला है। उन्होंने आरोप लगाया कि विस्थापित परिवारों के लिए रोजगार और पुनर्वास की कोई ठोस कार्ययोजना अब तक धरातल पर नहीं उतरी है, जो कि सरासर अन्याय है।

आगे विधायक रोशन लाल चौधरी ने सदन के माध्यम से सरकार से अपनी मांगों को रखते हुए अविलंब पूरा करने का आग्रह किया। जिसमें रैयतों को उनकी भूमि का वर्तमान बाजार दर से चार गुना मुआवजा दिया जाए। R&R नीति के तहत प्रभावित परिवारों का सम्मानजनक पुनर्वास सुनिश्चित हो। प्रभावित क्षेत्र के स्थानीय युवाओं को परियोजना में स्थायी नौकरी दी जाए। पुनर्वास स्थलों पर सड़क, शुद्ध पेयजल, बिजली, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और स्वास्थ्य केंद्रों की तत्काल व्यवस्था हो। उपरोक्त सभी व्यवस्थाएं पूर्ण होने और रैयतों की संतुष्टि के बाद ही खनन कार्य शुरू किया जाए। आगे विधायक रोशन लाल चौधरी ने कहा, "हम विकास के विरोधी नहीं हैं, लेकिन विकास की कीमत किसी गरीब ग्रामीण के आशियाने और उसकी आजीविका को छीनकर नहीं चुकाई जानी चाहिए।" उन्होंने क्षेत्र की जनता को आश्वस्त किया कि वे उनके सम्मान, अधिकार और सुरक्षित भविष्य के लिए सदन से लेकर सड़क तक अपना संघर्ष जारी रखेंगे।

झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन के पोते की मौत, दोस्तों के साथ कुल्लू गए थे वीर सोरेन

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झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन के पोते वीर सोरेन की मौत की खबर सामने आई है। यह घटना हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले में हुई। सूचना के बाद पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन, उनके बेटे बाबूलाल सोरेन सहित उनके अन्य परिवारिक सदस्य शिमला के लिए रवाना हो गए हैं। स्थानीय पुलिस ने शव को कब्जे में लिया है।

तबीयत अचानक बिगड़ी

जानकारी के मताबिक, पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन के पोते वीर सोरेन अपने दोस्तों के साथ कुल्लू मनाली घूमने गए थे। बताया जा रहा है कि बर्फ में खेलने और ठंड में समय बिताने के बाद वे अपने होटल लौटे थे। बताया जा रहा है कि होटल पहुंचने के कुछ ही समय बाद वीर सोरेन की तबीयत अचानक बिगड़ गई और वे बेहोश हो गए। उनके दोस्तों ने तुरंत उन्हें नजदीकी अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल में डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। फिलहाल मौत का सटीक कारण स्पष्ट नहीं हुआ है।

पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार

प्रारंभिक तौर पर मौत के कारणों का स्पष्ट खुलासा नहीं हो पाया है, जिससे घटना को संदिग्ध माना जा रहा है। स्थानीय प्रशासन द्वारा मामले की जांच शुरू कर दी गई है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है, जिसके बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा।

झारखंड में शोक की लहर

चंपई सोरेन झारखंड की राजनीति में एक प्रमुख चेहरा रहे हैं और वह प्रदेश के पूर्व मुख्य्मंत्री रह चुके हैं। ऐसे में उनके पोते की असमय मृत्यु की खबर से राजनीतिक जगत में भी संवेदना व्यक्त की जा रही है।

भारत-पाक तनाव पर ट्रंप का बड़ा दावा, बोले- मैं दखल न देता तो खतरे में थी शहबाज शरीफ की जान

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अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप आए दिन भारत-पाकिस्तान संघर्ष रूकवाने का दावा करते रहे हैं। ट्रंप ने एक बार फिर दोनों देशों को लेकर चौंकाने वाला दावा किया है। कांग्रेस के जॉइंट सेशन में भारत और पाकिस्तान संघर्ष पर ट्रंप ने फिर कहा कि भारत और पाकिस्तान का युद्ध उन्होंने रुकवाया है। यह न्यूक्लियर वॉर हो सकती थी, करीब साढ़े तीन करोड़ लोग मारे जाते। अगर मैं इसमें शामिल नहीं होता तो पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ भी मारे जाते।

10 महीनों में आठ युद्ध रोकने का दावा

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिकी संसद में संबोधन देते हुए फिर भारत और पाकिस्तान संघर्ष का जिक्र किया। ट्रंप ने अपने संबोधन में कहा कि अपने कार्यकाल के पहले 10 महीनों में उन्होंने आठ युद्ध समाप्त किए।

‘35 मिलियन लोग मारे गए होते’

ट्रंप ने यह भी कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच हालात इतने गंभीर हो गए थे कि स्थिति परमाणु संघर्ष तक पहुंच सकती थी। उन्होंने देश की संसद में दावा किया कि शहबाज़ शरीफ ने उनसे कहा था कि अगर वह दखल नहीं देते तो पिछले साल के ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान में 35 मिलियन लोग मारे गए होते।

बार-बार भारत-पाक जंग रूकवाने का दावा

ये पहली बार नहीं है जब ट्रंप ने भारत-पाक संघर्ष को लेकर इस तरह का दावा किया है। हां, शहबाज शरीफ को लेकर ये दावा बिल्कुल नया है। हाल के महीनों में डोनाल्ड ट्रंप ने बार-बार कहा है कि उन्होंने ही भारत-पाकिस्तान टकराव को रोका है। उन्होंने लगातार कहा है कि उनके एडमिनिस्ट्रेशन ने दोनों देशों को तनाव बढ़ाने से रोकने के लिए ट्रेड एग्रीमेंट और टैरिफ़ उपायों का इस्तेमाल किया।

भारत ने हमेशा ट्रंप के दावों को नकारा

हालांकि, भारत ने हमेशा से डोनाल्ड ट्रंप के दावों को नकारा है। जबकि पाकिस्तान ने डोनाल्ड ट्रंप को भारत-पाकिस्तान युद्ध रूकवाने के लिए क्रेडिट दिया है। पाकिस्तान ने डोनाल्ड ट्रंप को नोबेल शांति पुरस्कार के लिए भी नामांकित किया है। शहबाज शरीफ ने पिछले दिनों बोर्ड ऑफ गाजा पीस के दौरान भी ट्रंप की तारिफ की थी और कहा था कि ट्रंप की वजह से 35 मिलियन लोगों की जान बच गई।

Abhi Arora Strengthens Way Ahead Marketing’s Position in D2C and Finance Marketing Sectors

Digital Commerce News | 2026

The convergence of entrepreneurship and performance marketing has given rise to a new breed of agency founders. Among them is Abhi Arora, who started his eCommerce journey in 2017 at just 20 years old and now leads Way Ahead Marketing.

After eight years of experience navigating Shopify ecosystems and digital ad platforms, Arora established his agency to help other founders avoid the costly trial-and-error phase he once experienced.

A 360° Growth Model

Way Ahead Marketing offers a comprehensive service model including:

Shopify store setup and technical optimization

Meta Ads campaign management

Google Ads scaling strategies

Store management consultation

Data-driven performance tracking

The firm’s 360-degree framework is designed to align infrastructure, traffic acquisition, and conversion optimization under one strategy.

Supporting D2C, Forex, and Finance Brands

The agency has consulted numerous D2C brands and startups, helping them establish operational clarity and profitable advertising systems. Several clients have reportedly scaled to multi-million-dollar revenues through structured Meta campaign execution.

Beyond retail, Way Ahead Marketing has worked with forex trading prop firms and finance companies, assisting them in reaching targeted audiences through precision digital advertising.

As digital competition continues to intensify in 2026, Arora’s operator-to-agency journey underscores a growing industry trend: founders with real business experience are increasingly shaping the future of performance marketing.

भारी वाहन गाड़ी कि साइड लगने से कार हुई क्षतिग्रस्त और चार लोग घायल,अस्पताल में भर्ती*
जनपद सुल्तानपुर जिले के दोस्तपुर क्षेत्र के
पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर मदनपुर गांव के पास मंगलवार कि सुबह भोर में आजमगढ़ से लखनऊ जा रही कार ट्रक की साइड लगने से क्षतिग्रस्त हो गई। इस दौरान कार सवार पंजाब के डेराबसी अंबाला निवासी ललिता,पवन गुप्ता,सचिन गुप्ता व अशोक पासवान घायल हो गए। सभी घायलों को सीएचसी दोस्तपुर पहुंचाया गया। वहां से गंभीर घायल सचिन गुप्ता को जिला अस्पताल अंबेडकरनगर रेफर कर दिया
यूपीडा के सहायक सुरक्षा अधिकारी श्री सिंह ने बताया कि दुर्घटना लगभग 5:15 बजे हुई है। कार आजमगढ़ से लखनऊ जा रही थी। जहां सुनने में आया कि मदनपुर गांव के पास आगे जा रहे ट्रक ने कार को साइड मार दी। जिससे कार चालक अंबाला के सद्दोपुर बलदेव नगर निवासी प्रवीण कुमार ने कार का संतुलन खो दिया। कार पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे की रेलिंग से टकराकर क्षतिग्रस्त हो गई। घायलों को एंबुलेंस से दोस्तपुर सीएचसी पहुंचाया गया। दुर्घटना के बाद ट्रक लेकर चालक भाग निकला। दोस्तपुर थाने के प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि दुर्घटना के बारे में जानकारी नहीं मिली है। तहरीर मिलने पर प्राथमिकी दर्ज की जाएगी।
केशव प्रसाद मौर्य के जर्मनी दौरे से निवेश को नई गति, रक्षा व उन्नत विनिर्माण पर विशेष फोकस
* न्यूरेम्बर्ग में उच्चस्तरीय औद्योगिक संवाद, एयरोस्पेस व ड्रोन तकनीक में सहयोग की संभावनाएं मजबूत

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य एवं आईटी मंत्री सुनील कुमार शर्मा के नेतृत्व में जर्मनी दौरे पर गए राज्य प्रतिनिधिमंडल ने निवेश, रक्षा विनिर्माण, एयरोस्पेस सहयोग एवं औद्योगिक साझेदारी के क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण बैठकें कीं।
जर्मनी के न्यूरेम्बर्ग में उप मुख्यमंत्री ने NürnbergMesse Group के सीईओ Peter Ottmann से भेंट कर उत्तर प्रदेश में निवेश की संभावनाओं एवं औद्योगिक सहयोग पर विस्तृत चर्चा की। प्रतिनिधिमंडल ने प्रदेश की निवेशक-अनुकूल नीतियों, विश्वस्तरीय अवसंरचना और कुशल मानव संसाधन की जानकारी देते हुए जर्मन उद्योग जगत को उत्तर प्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित किया।
इसी क्रम में जर्मन–इजराइली कंपनी Quantum Technologies के साथ रणनीतिक बैठक आयोजित हुई। कंपनी मानव रहित ड्रोन तकनीक, रक्षा-स्तरीय टोही प्रणाली तथा 160 किमी तक की परिचालन क्षमता वाले उच्च-ऊंचाई प्लेटफॉर्म विकसित करने में विशेषज्ञ है। उत्तर प्रदेश सरकार ने कंपनी को राज्य में विनिर्माण एवं अनुसंधान एवं विकास (R&D) केंद्र स्थापित करने का प्रस्ताव दिया। बैठक में विनिर्माण, कौशल विकास एवं प्रौद्योगिकी हस्तांतरण के क्षेत्रों में दीर्घकालिक सहयोग पर सहमति बनी।
प्रतिनिधिमंडल ने जर्मनी की प्रमुख रक्षा एवं हथियार निर्माण कंपनियों का भी दौरा कर उन्नत ड्रोन तकनीक, अगली पीढ़ी की हथियार प्रणालियां, प्रिसिजन मैन्युफैक्चरिंग तथा अत्याधुनिक रडार प्रौद्योगिकी में निवेश की संभावनाओं पर विचार-विमर्श किया। उत्तर प्रदेश को एयरोस्पेस एवं रक्षा निवेश के प्रमुख गंतव्य के रूप में प्रस्तुत किया गया।
न्यूरेम्बर्ग में भारत के राजदूत अजीत गुप्ते के साथ आयोजित रात्रि भोज में औद्योगिक विकास एवं निवेश अवसरों पर चर्चा हुई। साथ ही जर्मनी में भारत के कांसल जनरल शत्रुघ्न सिन्हा से भी द्विपक्षीय सहयोग को सुदृढ़ करने पर विचार-विमर्श किया गया।
इससे पूर्व उप मुख्यमंत्री ने जर्मनी स्थित Motherson Sumi प्लांट का भ्रमण किया तथा फ्रैंकफर्ट में आयोजित इन्वेस्टर्स कॉन्क्लेव में उत्तर प्रदेश की औद्योगिक संभावनाओं को प्रस्तुत किया।
‘Invest UP’ पहल के अंतर्गत फ्रैंकफर्ट एयरपोर्ट क्षेत्र के प्रतिनिधियों — Manfred Ockel (Mayor of Kelsterbach), David Rendel (Mayor of Raunheim) तथा Stephan Wittekind (CEO, Innovation RheinMain) — से भेंट कर लॉजिस्टिक्स, डाटा सेंटर, नवाचार एवं औद्योगिक विकास के क्षेत्र में सहयोग पर चर्चा हुई। वार्ता का मुख्य केंद्र फ्रैंकफर्ट एयरपोर्ट और नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के बीच संस्थागत सहयोग स्थापित करना रहा। दोनों पक्षों ने समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर कर दीर्घकालिक साझेदारी विकसित करने का संकल्प व्यक्त किया।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश पूर्वांचल, बुंदेलखंड, गंगा एवं यमुना एक्सप्रेसवे जैसे विशाल एक्सप्रेसवे नेटवर्क, डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर, बहु-मोडल लॉजिस्टिक्स पार्क और अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों के विस्तार के कारण एक मजबूत लॉजिस्टिक हब के रूप में उभर रहा है। राज्य में 70,000 एकड़ से अधिक भूमि बैंक निवेश के लिए उपलब्ध है तथा ‘निवेश मित्र’ सिंगल विंडो प्रणाली 40 से अधिक विभागों की 500 से अधिक सेवाएं ऑनलाइन उपलब्ध करा रही है।
उन्होंने टेक्सटाइल, अपैरल, लेदर, इलेक्ट्रॉनिक्स, सेमीकंडक्टर, मेडिकल डिवाइस पार्क, केमिकल एवं फार्मा पार्क तथा डिफेंस कॉरिडोर जैसे क्षेत्रों में जर्मन उद्योगों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि सुदृढ़ आधारभूत संरचना, कुशल मानव संसाधन और पारदर्शी सुशासन मॉडल के बल पर उत्तर प्रदेश वैश्विक निवेश गंतव्य के रूप में तेजी से उभर रहा है। इस दौरान अपर मुख्य सचिव (एमएसएमई एवं उद्योग) आलोक कुमार ने भी प्रदेश की औद्योगिक रणनीति एवं निवेश संवर्धन के संबंध में महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए।
मुझे अपने बब्बर शेर पर गर्व', शर्टलेस प्रदर्शन के बाद यूथ कांग्रेस चीफ उदय भानु की गिरफ्तारी पर बोले राहुल*

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इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 के दौरान भारत मंडपम में प्रोटेस्ट के मामले में इंडियन यूथ कांग्रेस के नेशनल प्रेसिडेंट उदय भानु चिब को गिरफ्तार किया गया है। कोर्ट ने दिल्ली पुलिस को चिब की 4 दिन की रिमांड को भी मंजूरी दे दी है। उदय भानु चिब की गिरफ्तारी के बाद कांग्रेस लीडर और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने उनके समर्थन में पोस्ट शेयर किया है और केंद्र सरकार की आलोचना की है।

कांग्रेस नेतृत्व कर रहा बचाव

एआई इम्पैक्ट समिट में यूथ कांग्रेस द्वारा किए गए शर्टलेस विरोध प्रदर्शन को बीजेपी ने इसे वैश्विक मंच पर भारत की छवि को धूमिल करने का एक शर्मनाक कृत्य बताया, जबकि यूथ कांग्रेस के इस प्रदर्शन का कांग्रेस लगातार बचाव कर रही है। राहुल गांधी समेत अन्य कांग्रेसी नेताओं ने केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल उठाया है।

अपने बब्बर शेर साथियों पर गर्व-राहुल गांधी

लोकसभा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि शांतिपूर्ण विरोध हमारी ऐतिहासिक धरोहर है। यह हमारे खून में है और हर भारतीय का लोकतांत्रिक अधिकार है। राहुल ने पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि मुझे युवा कांग्रेस के अपने बब्बर शेर साथियों पर गर्व है, जिन्होंने COMPROMISED PM के खिलाफ निडर होकर देश के हित में आवाज उठाई है।

खरगे ने सरकार पर बोला हमला

कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी अपने एक्स पोस्ट में युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं पर हुई कार्रवाई पर सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि युवा आज नौकरी के लिए तड़प रहे हैं। देश का माहौल खराब हो चुका है। पीएम मोदी के प्रति लोगों ने भारी रोष है। पीएम ने अमेरिका के सामने भी घुटने टेकते हुए सारी शर्तों को मान लिया, जिससे पूरा देश शर्मिंदा है। हकीकत में ट्रंप हमें गुलाम बना रहा है और बंधुआ मजदूर बनाने की दिशा में धकेला जा रहा है। यह काम मोदी कर रहे हैं।

क्या है पूरा मामला?

यह मामला उस समय चर्चा में आया जब युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने एआई समिट के दौरान बिना शर्ट पहने विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार की नीतियों, बढ़ती बेरोजगारी और एआई से जुड़े मुद्दों को लेकर नारेबाजी की। इस मामले में भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष भानु चिब के साथ कुल आठ लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इससे पहले सोमवार को आरोपियों जितेंद्र यादव, राजा गुर्जर व अजय कुमार को ग्वालियर को गिरफ्तार किया गया था। गिरफ्तारियों में बिहार के कुंदन यादव, कृष्णा हरि, उत्तर प्रदेश के अजय कुमार और तेलंगाना के नरसिम्हा यादव शामिल बताए गए हैं।

युवाओं के सपनों पर भारी पड़ रही सियासत.. रामगोविन्द अदालती आदेश के बाद भी समाधान नहीं। न्याय बनाम प्रशासनिक अवरोध
संजीव सिंह बलिया! उत्तर प्रदेश की शैक्षिक राजनीति और विधिक गलियारों में सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय की नियुक्तियों का प्रकरण एक मिसाल बन गया है। यह कहानी केवल एक अध्यादेश की नहीं, बल्कि हज़ारों बेरोजगारों के सपनों और न्यायपालिका बनाम कार्यपालिका के बीच खिंचती रस्साकशी की है। 1. 2013-14 का ऐतिहासिक निर्णय तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के कार्यकाल में सन् 2013-14 में एक महत्वपूर्ण अध्यादेश लाया गया था। इसका उद्देश्य संस्कृत शिक्षा के गिरते स्तर को सुधारना और महाविद्यालयों में शिक्षकों की भारी कमी को दूर करना था। उक्त बाते पूर्व नेता प्रतिपक्ष रामगोविन्द चौधरी ने सोमवार को एक बयान जारी कर कहा और बताया कि विश्वविद्यालय और संबद्ध महाविद्यालयों की प्रबंध समितियों को रिक्त पदों पर चयन की शक्ति दी गई। इस विकेंद्रीकरण से प्रक्रिया में तेजी आई और कई उच्च शिक्षित युवाओं को रोजगार मिला, जिससे संस्कृत की पाठशालाओं में रौनक लौटी। 2016-17 में सत्ता परिवर्तन के साथ ही इन नियुक्तियों पर रोक लगा दी गई। योगी सरकार के इस कदम ने न केवल नए रोजगारों पर ताला जड़ा, बल्कि कार्यरत शिक्षकों के भविष्य पर भी प्रश्नचिन्ह लगा दिया। इसके बाद शुरू हुआ अदालती संघर्ष का वह लंबा सिलसिला, जिसमें सरकार को हर मोड़ पर विधिक हार का सामना करना पड़ा अभ्यर्थियों ने सरकार के रोक के फैसले को चुनौती दी और कोर्ट ने अभ्यर्थियों के पक्ष में फैसला सुनाया। सरकार ने हार नहीं मानी और डबल बेंच में अपील की, लेकिन वहाँ भी न्याय की जीत हुई। अंततः मामला देश की सबसे बड़ी अदालत पहुँचा। 2021 में सुप्रीम कोर्ट ने भी सरकार की याचिका को खारिज करते हुए नियुक्तियों के पक्ष में मुहर लगा दी। पूर्व नेता विरोधी दल ने कहा कि 'न्याय में देरी, न्याय न मिलने के बराबर' विडंबना यह है कि देश की सर्वोच्च अदालत से आदेश आने के बावजूद योगी सरकार ने शासन स्तर पर विभिन्न तकनीकी पेच फंसाकर इन नियुक्तियों और उनके लाभों को बाधित किया जा रहा है। यह स्थिति न केवल न्यायालय की अवमानना (Contempt of Court) की श्रेणी में आती है, बल्कि उन युवाओं के साथ भी अन्याय है जो अपनी योग्यता सिद्ध कर चुके हैं। संस्कृत को भारत की आत्मा कहा जाता है, लेकिन जब इसी भाषा के विद्वान और शिक्षक अपनी आजीविका के लिए दर-दर भटकते हैं, तो यह व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है। यदि सरकारें अदालती आदेशों के बाद भी 'हथकंडे' अपनाकर नियुक्तियां रोकती हैं, तो यह लोकतांत्रिक मूल्यों का हनन है। योगी सरकार और प्रशासन को अब हठधर्मिता छोड़कर सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय का सम्मान करना चाहिए ताकि संस्कृत शिक्षा का संरक्षण हो सके और युवाओं को उनका उचित हक मिल सके। (रामगोविन्द चौधरी) पूर्व नेता प्रतिपक्ष उoप्र
सीएम योगी आज सिंगापुर-जापान दौरे पर रवाना
यूपी को ‘मैन्युफैक्चरिंग हब ऑफ इंडिया’ बनाने की मुहिम तेज, 33 वैश्विक कंपनियों से करेंगे संवाद

लखनऊ। उत्तर प्रदेश को ‘मैन्युफैक्चरिंग हब ऑफ इंडिया’ बनाने के लक्ष्य के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज चार दिवसीय सिंगापुर और जापान दौरे पर रवाना होंगे। वर्ष 2017 में म्यांमार यात्रा के बाद यह उनका पहला विदेशी दौरा है, जिसे प्रदेश की निवेश कूटनीति के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है।
23-24 फरवरी को सिंगापुर और 25-26 फरवरी को जापान प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री 33 वैश्विक कंपनियों के शीर्ष प्रतिनिधियों से मुलाकात कर प्रदेश में निवेश, तकनीकी सहयोग और औद्योगिक विस्तार के अवसरों पर चर्चा करेंगे।

* जी-टू-बी और राउंड टेबल मीटिंग में होगा सीधा संवाद
दौरे की खास बात यह होगी कि मुख्यमंत्री जी-टू-बी (गवर्नमेंट टू बिजनेस) बैठकों और राउंड टेबल मीटिंग के माध्यम से निवेशकों से सीधे संवाद करेंगे। वे उत्तर प्रदेश के औद्योगिक रोडमैप, नीति स्थिरता, भूमि बैंक, एक्सप्रेसवे नेटवर्क, लॉजिस्टिक्स व्यवस्था और कौशल विकास की संभावनाओं पर स्पष्ट और परिणामोन्मुख चर्चा करेंगे। मुख्यमंत्री प्रवासी भारतीयों और उत्तर प्रदेश मूल के लोगों को संबोधित करने के साथ स्कूली बच्चों से भी संवाद करेंगे और प्रदेश की बदली तस्वीर साझा करेंगे।

* सिंगापुर में 25 कंपनियों से मुलाकात
सिंगापुर प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री 25 प्रमुख कंपनियों के प्रतिनिधियों से मिलेंगे।

* डेटा सेंटर और टेक्नोलॉजी: Google, ST Telemedia Global Data Centres

* एग्रीबिजनेस: Japfa, Olam International

* लॉजिस्टिक्स और इंफ्रास्ट्रक्चर: Mapletree Investments, SATS Ltd

* ग्रीन और सौर ऊर्जा: AVPN, EDP Renewables

* इंडस्ट्रियल पार्क और एविएशन: Sembcorp Industries, Singapore Airlines Engineering Company

* ग्लोबल फंड्स: Temasek Holdings, GIC, Blackstone Inc.

* फिनटेक व बैंकिंग: DBS Bank

* जापान में ऑटोमोबाइल और सेमीकंडक्टर पर फोकस
जापान प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री आठ प्रमुख कंपनियों से निवेश वार्ता करेंगे।

* ऑटोमोबाइल: Kubota, Suzuki

* सेमीकंडक्टर: Tokyo Electron

* इलेक्ट्रॉनिक्स: Toshiba

- ग्रीन हाइड्रोजन व रियल एस्टेट: Marubeni

* वन ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था की ओर कदम
प्रदेश सरकार का मानना है कि 25 करोड़ की आबादी वाला उत्तर प्रदेश उत्पादन और उपभोग दोनों का बड़ा केंद्र बन सकता है। मजबूत कानून व्यवस्था, नीति स्थिरता और तीव्र कनेक्टिविटी के आधार पर यह दौरा राज्य को वन ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।मुख्यमंत्री की यह विदेश यात्रा न केवल निवेश आकर्षित करने का प्रयास है, बल्कि वैश्विक मंच पर ‘ब्रांड यूपी’ को सशक्त पहचान दिलाने की दिशा में भी एक निर्णायक कदम साबित हो सकती है।