मकर संक्रांति उपरांत सामाजिक समरसता सहभोज का आयोजन संपन्न
संजीव सिंह बलिया!नगरा:मकर संक्रांति के उपरांत राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, नगरा की ओर से सामाजिक समरसता, समन्वय एवं सामंजस्य के उद्देश्य से खिचड़ी सहभोज का भव्य आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम मंगलवार को स्थानीय पाण्डेय मैरेज हाल में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ, जिसमें हिंदू समाज के प्रत्येक वर्ग के सैकड़ों लोगों ने सहभागिता की। कार्यक्रम की अध्यक्षता श्री कृपाशंकर बरनवाल जी ने की। इस अवसर पर विभाग प्रचारक श्री अम्बेश जी ने समसामयिक विषयों पर ओजपूर्ण एवं प्रेरणादायी उद्बोधन दिया। उन्होंने मकर संक्रांति के सामाजिक एवं सांस्कृतिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए समाज में एकता, सद्भाव और सामाजिक समरसता को सुदृढ़ करने का आह्वान किया। सहभोज कार्यक्रम में प्रमुख रूप से खण्ड संघचालक  बजरंग बली सिंह,  प्रेम प्रकाश , बबलू सागर, आलोक शुक्ला,  अंकित सिंह, जयप्रकाश जायसवाल, देवनारायण प्रजापति, अरविंद नारायण सिंह, निर्भय प्रकाश, कृष्ण वर्मा, राजू चौहान, राजू सिंह चंदेल, धर्मराज सिंह विक्की, सूर्य प्रताप सिंह, अशोक गुप्ता, समरजीत सिंह, फतेह बहादुर सिंह, क्रांति यादव, संतोष पांडे सुधीर पासवान, गुड्डू पांडे, दीपक मद्धेशिया, कंचन वर्मा सहित बड़ी संख्या में स्वयंसेवक एवं नगरवासी उपस्थित रहे। सभी ने आपसी भाईचारे के साथ सहभोज कर सामाजिक एकता और समरसता का संदेश दिया। कार्यक्रम के अंत में आयोजकों द्वारा सभी आगंतुकों के प्रति आभार व्यक्त किया गया तथा भविष्य में भी ऐसे सामाजिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों को निरंतर आयोजित करने का संकल्प लिया गया। यह आयोजन समाज में सौहार्द, सहयोग और एकता को मजबूत करने की दिशा में एक सार्थक पहल साबित हुआ।
नव निर्माण संस्थान के सचिव संजय शर्मा की मां की पुण्यतिथि पर जरूरतमंदों के बीच कंबल वितरण
जहानाबाद।समाज में अब धीरे-धीरे एक नई सोच और सकारात्मक परंपरा विकसित हो रही है, जहां लोग जन्मदिन या पुण्यतिथि जैसे अवसरों को केवल औपचारिक रूप से मनाने के बजाय जरूरतमंदों की मदद कर सार्थक बना रहे हैं। इसी भावना के तहत नव निर्माण संस्थान के सचिव संजय शर्मा ने अपनी मां स्वर्गीय चिंता देवी की छठी पुण्यतिथि के अवसर पर गरीब एवं असहाय लोगों के बीच कंबल का वितरण किया। यह कार्यक्रम जहानाबाद जिले के नोनही पंचायत में आयोजित किया गया, जहां बड़ी संख्या में जरूरतमंद लोगों को ठंड से राहत के लिए कंबल वितरित किए गए। कंबल पाकर लाभार्थियों के चेहरे पर खुशी साफ झलक रही थी और उन्होंने संजय शर्मा एवं नव निर्माण संस्थान के प्रति आभार प्रकट किया। इस अवसर पर कार्यक्रम में जनार्दन शर्मा, नोनही पंचायत के मुखिया मिथलेश यादव उर्फ पप्पू यादव, पूर्व जिला उपाध्यक्ष राम बाबू पासवान, पंचायत समिति सदस्य रविकांत शर्मा, रंजय शर्मा, केशरी नंदन सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान नव निर्माण संस्थान के सचिव संजय शर्मा अपनी मां को याद कर भावुक हो गए। उन्होंने कहा कि मां किसी की भी हो, उसके न रहने का दर्द शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता। उन्होंने बताया कि अपनी मां की आत्मा की शांति के लिए तथा समाज के जरूरतमंद लोगों की सेवा के उद्देश्य से कंबल वितरण किया गया है और यह सेवा कार्य आगे भी लगातार जारी रहेगा। कार्यक्रम के माध्यम से समाज को यह संदेश दिया गया कि ऐसे अवसरों पर जरूरतमंदों की मदद करना ही सच्ची श्रद्धांजलि है।
भाजपा के निर्विरोध राष्ट्रीय अध्यक्ष बने नितिन नवीन यमुनापार भाजपाईयो में हर्ष

जिलाध्यक्ष व पूर्व जिलाध्यक्ष सहित कार्यकर्ताओ ने दी बधाई कार्यकर्ताओं में उत्साह

संजय द्विवेदी प्रयागराज।बिहार सरकार के मंत्री नितिन नवीन को भारतीय जनता पार्टी का निर्विरोध राष्ट्रीय अध्यक्ष घोषित किए जाने पर भाजपा प्रयागराज यमुनापार में हर्ष का माहौल है। इस अवसर पर यमुनापार जिलाध्यक्ष राजेश शुक्ल ने उन्हें हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई देते हुए कहा कि नितिन नवीन के नेतृत्व में भाजपा संगठन और अधिक सशक्त होगा तथा देश की सेवा के संकल्प को नई ऊर्जा मिलेगी।जिलाध्यक्ष राजेश शुक्ल ने कहा कि नितिन नवीन एक कर्मठ संगठननिष्ठ और जनसेवा के प्रति समर्पित नेता हैं।उनके राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने से पार्टी कार्यकर्ताओ का मनोबल बढ़ेगा और संगठनात्मक मजबूती के साथ भाजपा नई ऊंचाइयो को छुएगी।पूर्व जिलाध्यक्ष विभवनाथ भारती ने कहा कि नितिन नवीन का निर्विरोध चयन उनके कुशल नेतृत्व और संगठन में विश्वास का प्रतीक है।उन्होंने विश्वास जताया कि उनके मार्गदर्शन में पार्टी राष्ट्र निर्माण के कार्यों को और अधिक गति देगी।इस अवसर पर जिला मीडिया प्रभारी दिलीप कुमार चतुर्वेदी मोर्चा जिलाध्यक्ष राजमणि पासवान सुभाष सिंह पटेल सुधाकर पाण्डेय अरून सिंह पप्पू सविता मिश्रा कुशल जैन आनन्द तिवारी मिथिलेश पांडेय डाँ.देवी सिंह, प्रदीप पांडेय अजय सिंह आदि पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर खुशी जाहिर की और राष्ट्रीय अध्यक्ष को शुभकामनाएं प्रेषित कीं।

जनपद में टेढ़ी नदियों के साफ-सफाई, पुनर्जीवन, जीर्णोद्धार तथा सुरक्षित क्षेत्रफल सुनिश्चित किए जाने के संबंध में आयोजित की गई बैठक


*नदियों के पुनर्जीवन एवं जीर्णोद्धार पर विशेष बल देते हुए नदियों के पुराने प्रवाह मार्गों की पहचान कर उन्हें पुनः सक्रिय किया जाय--जिलाधिकारी*


*नदियों के संरक्षण से न केवल जल संसाधनों में वृद्धि होगी, बल्कि कृषि, पर्यावरण एवं जनस्वास्थ्य पर भी सकारात्मक प्रभाव--जिलाधिकारी*

*गोण्डा 20 जनवरी,2025*।
जिला पंचायत सभागार में जिलाधिकारी गोण्डा श्रीमती प्रियंका निरंजन की अध्यक्षता में जनपद की टेढ़ी नदियों के साफ-सफाई, पुनर्जीवन, जीर्णोद्धार तथा सुरक्षित क्षेत्रफल सुनिश्चित किए जाने के संबंध में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में संबंधित तहसीलों के उपजिलाधिकारीगण, नदियों से जुड़े क्षेत्रों के राजस्व निरीक्षक एवं लेखपाल उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि टेढ़ी नदियां जनपद की प्राकृतिक धरोहर हैं, जिनका संरक्षण एवं संवर्धन अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि नदियों की नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित की जाए, ताकि जल प्रवाह बाधित न हो और पर्यावरण संतुलन बना रहे। साथ ही नदियों में हो रहे अतिक्रमण को गंभीरता से लेते हुए चिन्हांकन कर त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।

जिलाधिकारी ने पुनर्जीवन एवं जीर्णोद्धार कार्यों पर विशेष बल देते हुए कहा कि नदियों के पुराने प्रवाह मार्गों की पहचान कर उन्हें पुनः सक्रिय किया जाए। इसके लिए संबंधित राजस्व अभिलेखों का गहन अध्ययन कर सुरक्षित क्षेत्रफल का निर्धारण किया जाए, जिससे भविष्य में किसी प्रकार का अवैध निर्माण या अतिक्रमण न हो सके। उन्होंने निर्देशित किया कि सभी संबंधित अधिकारी आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए निर्धारित समयसीमा में रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
बैठक में यह भी कहा गया कि नदियों के किनारे स्थित ग्रामों में जनजागरूकता अभियान चलाकर लोगों को नदियों के महत्व, स्वच्छता एवं संरक्षण के प्रति जागरूक किया जाए।
जिलाधिकारी ने उपजिलाधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में नियमित निरीक्षण करें और किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर संबंधित कर्मियों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें।
इसके अतिरिक्त जिलाधिकारी ने कहा कि नदियों के संरक्षण से न केवल जल संसाधनों में वृद्धि होगी, बल्कि कृषि, पर्यावरण एवं जनस्वास्थ्य पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि सभी लेखपाल एवं राजस्व निरीक्षक अपने क्षेत्रों में नदियों से संबंधित समस्त जानकारी अद्यतन रखें और आवश्यकता पड़ने पर प्रशासन को तत्काल अवगत कराएं।

बैठक में जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों से अपेक्षा व्यक्त की कि जनपद की टेढ़ी नदियों को स्वच्छ, सुरक्षित एवं पुनर्जीवित करने के लिए पूरी जिम्मेदारी और संवेदनशीलता के साथ कार्य किया जाए, ताकि आने वाली पीढ़ियों के लिए इन प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण सुनिश्चित किया जा सके।

टेढ़ी नदियों के समीक्षा बैठक के दौरान अपर जिलाधिकारी आलोक कुमार, उप जिलाधिकारी सदर गोंडा, उप जिलाधिकारी करनैलगंज तथा उप जिलाधिकारी तरबगंज, डीसी मनरेगा तथा डीसी एनआरएलएम आदि सभी संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
जिलाधिकारी ने कर-करेत्तर वसूली, विभागीय कार्यों एवं सीएम डैशबोर्ड की समीक्षा बैठक की
*बैठक में संतोषजनक प्रगति न मिलने पर जिला आबकारी अधिकारी को चेतावनी जारी करने के निर्देश-डीएम*

*गोण्डा, 20 जनवरी, 2026*।
जिलाधिकारी गोंडा श्रीमती प्रियंका निरंजन की अध्यक्षता में मंगलवार को जिला पंचायत सभागार में कर-करेत्तर वसूली, विभागीय कार्यों की प्रगति तथा मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर दर्ज आंकड़ों की समीक्षा बैठक संपन्न हुई। इस बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

बैठक में जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि राजस्व वसूली से संबंधित विभाग अपने लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से पूर्ण करें। उन्होंने तहसीलवार बकाया वसूली की प्रगति की समीक्षा की और निर्देश दिए कि लंबित वसूली को प्राथमिकता पर लिया जाए। उन्होंने कहा कि राजस्व वसूली में लापरवाही या शिथिलता कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर प्रदर्शित योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने विभिन्न विभागों को निर्देशित किया कि वे पोर्टल पर अद्यतन डेटा अपलोड करें और योजनाओं के भौतिक व वित्तीय लक्ष्यों की पूर्ति सुनिश्चित करें।
उन्होंने कहा कि सीएम डैशबोर्ड राज्य सरकार की प्राथमिकताओं को दर्शाता है, अतः इसमें दर्ज आंकड़ों की प्रमाणिकता एवं समयबद्धता अत्यंत आवश्यक है।

जिलाधिकारी ने शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला कल्याण, ग्राम्य विकास, कृषि, सिंचाई, और विद्युत विभाग सहित अन्य विभागों की योजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता एवं उत्तरदायित्व सुनिश्चित करें।

बैठक के दौरान कर एवं निबंधन विभाग, आबकारी, नगर निकायों, जल निगम तथा अन्य राजस्व से संबंधित विभागों को विशेष रूप से निर्देशित किया गया कि वे लक्ष्य के अनुरूप वसूली सुनिश्चित करें और उच्चाधिकारियों को नियमित रिपोर्ट उपलब्ध कराएं।

जिलाधिकारी ने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप कार्यों में गति लाना और जनता को योजनाओं का लाभ समय पर दिलाना प्रशासन की जिम्मेदारी है। उन्होंने सभी अधिकारियों से अपेक्षा की कि वे समर्पण और उत्तरदायित्व के साथ कार्य करें, ताकि जनहितकारी योजनाएं धरातल पर प्रभावी रूप से लागू हो सकें।
समीक्षा के दौरान आबकारी विभाग की प्रगति असंतोषजनक मिलने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए जिला आबकारी अधिकारी को लक्ष्य पूरा करने हेतु चेतावनी निर्गत करने के लिए निर्देश दिए हैं।

बैठक के दौरान मुख्य विकास अधिकारी श्रीमती अंकिता जैन, अपर जिलाधिकारी आलोक कुमार, उपजिलाधिकारी सदर गोंडा, कर्नलगंज, तरबगंज तथा मनकापुर अपर उपजिलाधिकारी विशाल कुमार,  अपर उपजिलाधिकारी जितेंद्र गौतम, सहित सभी संबंधित विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।
झारखण्ड केवल खनिजों और प्राकृतिक संसाधनों का निर्यातक राज्य बनकर नहीं रहना चाहता: हेमन्त सोरेन

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मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में भारतीय उद्योग परिसंघ (CII) द्वारा आयोजित उच्चस्तरीय राउंडटेबल मीटिंग “Delivering Sustainability at Scale: Pathways for Global Transformation” में भाग लिया।

झारखण्ड के लोगों को प्रत्यक्ष लाभ देने का लक्ष्य

इस अवसर पर वैश्विक नीति-निर्माताओं, उद्योग जगत के नेताओं एवं संस्थागत निवेशकों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखण्ड केवल खनिजों और प्राकृतिक संसाधनों का निर्यातक राज्य बनकर नहीं रहना चाहता। राज्य सरकार का लक्ष्य संसाधनों के मूल्य संवर्धन, सतत औद्योगिकीकरण और जन-केंद्रित विकास की दिशा में आगे बढ़ना है, जिससे झारखण्ड के लोगों को प्रत्यक्ष लाभ मिले। “हमारा उद्देश्य केवल प्राकृतिक संसाधनों का दोहन नहीं, बल्कि उनका जिम्मेदार और सतत उपयोग सुनिश्चित करना है, ताकि रोजगार के अवसर सृजित हों और लोगों का जीवन स्तर बेहतर हो।” उन्होंने इस बात पर बल दिया कि सततता का अर्थ केवल पर्यावरण संरक्षण नहीं, बल्कि आजीविका, कौशल विकास और सामाजिक समावेशन से भी है, विशेषकर स्थानीय एवं आदिवासी समुदायों के लिए।

मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार की उन पहलों का उल्लेख किया जिनके माध्यम से खनिज आधारित डाउनस्ट्रीम उद्योगों, नवीकरणीय ऊर्जा, हरित प्रौद्योगिकी और मानव संसाधन विकास के जरिए रोजगार सृजन को बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने आर्थिक विकास के साथ पर्यावरणीय एवं सामाजिक संतुलन बनाए रखने की आवश्यकता पर जोर दिया।

पर्यटन के विकास पर भी जोर

मुख्यमंत्री ने झारखण्ड की विशाल और अब तक काफी हद तक अप्रयुक्त पर्यटन संभावनाओं पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि राज्य इको-टूरिज्म, प्रकृति आधारित पर्यटन और सांस्कृतिक पर्यटन को सतत विकास के एक महत्वपूर्ण स्तंभ के रूप में विकसित करना चाहता है, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजित हो और प्राकृतिक एवं सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण सुनिश्चित किया जा सके। दीर्घकालिक विकास दृष्टि को दोहराते हुए मुख्यमंत्री ने वैश्विक निवेशकों और साझेदारों को जिम्मेदार खनन, सतत विनिर्माण, नवीकरणीय ऊर्जा तथा पर्यटन अवसंरचना के क्षेत्र में झारखंड के साथ सहयोग के लिए आमंत्रित किया।

CII द्वारा आयोजित इस वैश्विक सततता संवाद में झारखण्ड की भागीदारी राज्य की उस प्रतिबद्धता को दर्शाती है, जिसके तहत आर्थिक विकास को पर्यावरणीय जिम्मेदारी और सामाजिक समावेशन के साथ जोड़ा जा रहा है।

मुख्यमंत्री और राज्य सरकार के दावोस - यूके के मोर्चे पर किए प्रयासों से कुछ सीखें बाबूलाल : विनोद कुमार पाण्डेय

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झारखंड मुक्ति मोर्चा के केंद्रीय  महासचिव विनोद कुमार पाण्डेय ने कहा है कि उन्हें उम्मीद है कि नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी के पास व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी के फॉरवर्ड मैसेज से कहीं अधिक ज्ञान है। इसलिए उनसे यह अपेक्षा भी है कि वे यह समझें कि माननीय मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की विदेश यात्रा और वहां होने वाली सभी बैठकें उच्चतम स्तर पर स्वीकृत हैं। मुख्यमंत्री ऑक्सफोर्ड केवल किसी एक औपचारिक मुलाकात के लिए नहीं, बल्कि कई महत्वपूर्ण और प्रतिष्ठित कार्यक्रमों व संवादों के लिए जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री पूरी तैयारी और स्पष्ट उद्देश्य के साथ इस यात्रा पर हैं। वे सभी दृष्टिकोणों को सम्मान देने, सभी की बात सुनने और समझने की लोकतांत्रिक भावना के साथ भारत और झारखंड का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। यह वही भारत की भावना है जो समावेशी, सहयोगी और मिलनसार है—और जिस पर पूरे देश को गर्व है।

उन्होंने कहा कि झामुमो बाबूलाल जी और भाजपा को यह भी सलाह देती है कि वे गंभीरता से यह समझने का प्रयास करें कि कोई राज्य सिर्फ छह हफ्तों की तैयारी में दावोस कैसे पहुंचता है, और फिर भारत–यूके मुक्त व्यापार समझौते के तुरंत बाद यूके पहुंचने वाला पहला राज्य कैसे बनता है। यह उपलब्धि बयानबाजी से नहीं, बल्कि दूरदर्शी नेतृत्व और सक्षम शासन से हासिल होती है। इसलिए ट्रोल की तरह व्यवहार करने के बजाय नेता प्रतिपक्ष को चाहिए कि वे माननीय मुख्यमंत्री और राज्य सरकार के दावोस और यूके—दोनों मोर्चों पर किए गए प्रयासों से कुछ सीखें।

महासचिव विनोद पाण्डेय ने कहा कि यह झारखंड के लिए गर्व की बात है कि माननीय मुख्यमंत्री को ऑल सोल्स कॉलेज और सेंट जॉन कॉलेज में आधिकारिक मान्यता मिली—वही सेंट जॉन कॉलेज जहां मरांग गोमके जयपाल सिंह मुंडा ने शिक्षा प्राप्त की थी—और उन्होंने ब्लावटनिक स्कूल ऑफ गवर्नमेंट में व्याख्यान दिया, जो दुनिया के सर्वश्रेष्ठ गवर्नेंस संस्थानों में से एक है।

झामुमो नेता ने कहा कि हम बाबूलाल जी को मित्रवत सलाह देते हैं कि वे थोड़ा ब्रेक लें, और आरोप लगाने से पहले माननीय मुख्यमंत्री की दावोस और यूके यात्रा के उद्देश्य, उपलब्धियों और महत्व को समझने की कोशिश करें। जलन और नकारात्मक राजनीति छोड़िए, और ग्लोबल मंच पर झारखंड के गर्वपूर्ण प्रतिनिधित्व के बारे में सोचिए—यही एक जिम्मेदार विपक्ष की पहचान होती है।

वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम: ऊर्जा और समावेशी विकास के वैश्विक संवाद में झारखंड की सशक्त भागीदारी"

वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (WEF) की बैठक के दूसरे दिन झारखंड के मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने अंतरराष्ट्रीय नीति निर्माताओं और निवेशकों के बीच राज्य की स्वच्छ ऊर्जा और भविष्य-उन्मुख नीतियों को मजबूती से रखा। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि वैश्विक जलवायु लक्ष्यों को प्राप्त करने में राज्यों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है।

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वैश्विक मंच पर इंटर-मिनिस्टीरियल डायलॉग

मुख्यमंत्री ने एक विशेष सत्र में हिस्सा लिया, जिसमें स्लोवाकिया के पूर्व मंत्री वाजिल हुडाक सहित कई वैश्विक नेता उपस्थित थे। चर्चा का मुख्य केंद्र 'सतत और समावेशी आर्थिक विकास' रहा। इस दौरान मुख्यमंत्री ने झारखंड में निम्नलिखित क्षेत्रों में निवेश और सहयोग की संभावनाओं पर जोर दिया:

नवीकरणीय ऊर्जा (Renewable Energy) का विस्तार।

भारी वाहन निर्माण (Heavy Vehicle Manufacturing) में निवेश।

बागवानी (Horticulture) में टिकाऊ और आधुनिक पद्धतियाँ।

ऊर्जा प्रणालियों का विस्तार और क्षेत्रीय नेतृत्व

मुख्यमंत्री ने “कैपिटल इन एक्शन: स्केलिंग एनर्जी सिस्टम्स” विषयक चर्चा में भाग लेते हुए कहा कि स्वच्छ ऊर्जा के विस्तार के लिए प्रभावी नीतिगत समन्वय और नवाचार आधारित वित्तपोषण (Innovation-based Financing) समय की मांग है।

झारखंड का संकल्प: संतुलन और रोजगार

मुख्यमंत्री ने वैश्विक नेताओं के सामने झारखंड का पक्ष रखते हुए कहा:

"झारखंड औद्योगिक विकास को पर्यावरणीय जिम्मेदारी के साथ संतुलित करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। हमारा लक्ष्य केवल उद्योग लगाना नहीं, बल्कि रोजगार सृजन और क्षेत्रीय आर्थिक मजबूती को सुनिश्चित करना है।"

मिशन वात्सल्य की बैठक में डीएम ने वात्सल्यो को दिलाई शपथ, घरों को छोड़कर रहने वाले बच्चों और बुजुर्गों को पुनर्वास भेजने का कार्य करें अधिकारी

फर्रुखाबाद।”मिशन वात्सल्यं“ के तहत जिला बाल कल्याण एवं संरक्षण समिति, उ0प्र0 मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना जिला टास्क फोर्स की बैठक, बाल विवाह-डिस्ट्रिक टास्क फोर्स, जिला स्तरीय रेस्क्यू टास्क फोर्स की बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी आशुतोष कुमार द्विवेदी की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई l ”मिशन वात्सल्य“ के अन्तर्गत जिला बाल कल्याण एवं संरक्षण समिति, उ0प्र0 मुख्यमंत्री बाल सेवा योजनान्तर्गत जिला टास्क फोर्स की बैठक।

बाल विवाह-डिस्ट्रिक टास्क फोर्स एवं जिला स्तरीय रेस्क्यू टास्क फोर्स की बैठक में जिलाधिकारी द्वारा अपर जिलाधिकारी एवं समस्त खण्ड विकास अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वार्ड स्तर एवं ग्राम स्तर पर समितियों की बैठक रोस्टर जारी कर प्रत्येक त्रैमास में ही सम्पन्न करायी जायें l साथ ही ग्राम चैपाल के एजेण्डा में शामिल किया जाये। साथ ही समस्त खण्ड विकास अधिकारी ब्लाॅक बाल कल्याण संरक्षण समिति की बैठकों को 01 वर्ष के रोस्टर के अनुसार नियमित रूप से सम्पन्न करायें।जिलाधिकारी द्वारा 100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के अन्तर्गत बाल विवाह रोकथाम हेतु शपथ भी दिलायी गयी।


जनपद के होटल/ढाबों/कारखानों पर श्रम विभाग द्वारा बाल श्रमिकों के सम्बन्ध में निरन्तर अभियान चलाया जाये। ए0आर0टी0ओ0 को निर्देशित किया गया कि गम्भीरता और सघनता के साथ अभियान चलाकर जनपद में 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चों द्वारा स्कूटी/किसी भी प्रकार वाहन एवं ई-रिक्शा चलाते हुए पाये जाने पर कार्यवाही की जाये। जिला विद्यालय निरीक्षक एवं जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी द्वारा प्रत्येक विद्यालय में बाल विवाह रोकथाम हेतु प्रत्येक माह एक गोष्ठी का आयोजन किया जाये एवं बाल विवाह के दुष्परिणामों के सम्बन्ध में बच्चों को जागरूक किया जाये। बाल विवाह को रोकने हेतु चाईल्ड हेल्पलाइन नम्बर-1098, इमरजेंसी नम्बर 112 अथवा विभागीय सी0यू0जी0 नम्बर 7518024057 पर सूचना दें। अपर पुलिस अधीक्षक को बाल विवाह की रोकथाम हेतु एक सर्कुलर जारी करने के निर्देश दिये गये

। 100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के अन्तर्गत बाल विवाह रोकथाम हेतु जनपद के समस्त विद्यालयों/कालेजों के शिक्षकों द्वारा अनिवार्य रूप से पोर्टल पर ऑनलाइन शपथ लेने हेतु जिला विद्यालय निरीक्षक एवं जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को निर्देशित किया गया ।

जनपद स्तर पर कठिन परिस्थितियों में सड़क पर मिलने वाले अनाथ, परित्यक्त या आपात स्थिति में रह रहे लोगों के सम्बन्ध में उनके पुनर्वासन की कार्यवाही किये जाने हेतु सम्बन्धित विभागों की एक संयुक्त समिति द्वारा औचक ड्राइव का संचालन किया जाये। रेस्क्यू के दौरान मिलने वाले बच्चों एवं महिलाओं को यथासम्भव परिवार में पुनर्वासित कराने अथवा महिला कल्याण विभाग द्वारा संचालित बाल देखरेख संस्थाओं एवं महिला आश्रय गृहों में आवासित कराने हेतु कार्यवाही किये जाने के निर्देश दिये।

इस मौके पर मुख्य विकास अधिकारी अरविन्द कुमार गौड़, मुख्य विकास अधिकारी अवनीन्द्र कुमार, अपर जिलाधिकारी अरूण कुमार सिंह, उप जिलाधिकारी रजनीकान्त सी0ओ0 सिटी ऐश्वर्या उपाध्याय, जिला प्रोबेशन अधिकारी अनिल चन्द्र, जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी, ए0आर0टी0ओ0, समस्त खण्ड विकास अधिकारी, संरक्षण अधिकारी, विधि सह परिवीक्षा अधिकारी आदि उपस्थित रहे।
सोनभद्र: ड्रग इंस्पेक्टर की छापेमारी से दवा विक्रेताओं में हड़कंप, बजरंग मेडिकल स्टोर की बिक्री पर रोक

विकास कुमार

सोनभद्र। जिले के रॉबर्ट्सगंज और ओबरा नगरीय क्षेत्रों में दवाओं की बिक्री में मिल रही अनियमितताओं की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। ड्रग इंस्पेक्टर राजेश कुमार मौर्या ने सोमवार की देर शाम तक विभिन्न मेडिकल स्टोरों का औचक निरीक्षण किया। इस अचानक हुई छापेमारी से दवा विक्रेताओं में अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जिसके चलते कई संचालक अपनी दुकानें बंद कर मौके से भाग निकले।

निरीक्षण के दौरान ओबरा स्थित बजरंग मेडिकल स्टोर में भारी अनियमितताएं पाई गईं। ड्रग इंस्पेक्टर ने बताया कि जांच के समय संचालक स्टोर में मौजूद दवाओं के वैध बिल प्रस्तुत करने में असमर्थ रहे। इसके अतिरिक्त, संदेह के आधार पर दो दवाइयों के नमूने (सैंपल) लेकर राजकीय लैब में परीक्षण के लिए भेजे गए हैं। नियमों के उल्लंघन पर कड़ा रुख अपनाते हुए विभाग ने औषधि एवं सौंदर्य प्रसाधन सामग्री अधिनियम 1940 के तहत उक्त मेडिकल स्टोर की खरीद और बिक्री पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है।

ड्रग इंस्पेक्टर राजेश कुमार मौर्या ने स्पष्ट किया कि जो संचालक निरीक्षण के दौरान दुकानें बंद कर भागे हैं, उन्हें चिन्हित कर चेतावनी जारी कर दी गई है। उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य से खिलवाड़ और नकली दवाओं की बिक्री किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी मेडिकल स्टोर संचालकों को नियमानुसार संचालन और पारदर्शी बिलिंग व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं, अन्यथा उनके लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई की जाएगी।
मकर संक्रांति उपरांत सामाजिक समरसता सहभोज का आयोजन संपन्न
संजीव सिंह बलिया!नगरा:मकर संक्रांति के उपरांत राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, नगरा की ओर से सामाजिक समरसता, समन्वय एवं सामंजस्य के उद्देश्य से खिचड़ी सहभोज का भव्य आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम मंगलवार को स्थानीय पाण्डेय मैरेज हाल में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ, जिसमें हिंदू समाज के प्रत्येक वर्ग के सैकड़ों लोगों ने सहभागिता की। कार्यक्रम की अध्यक्षता श्री कृपाशंकर बरनवाल जी ने की। इस अवसर पर विभाग प्रचारक श्री अम्बेश जी ने समसामयिक विषयों पर ओजपूर्ण एवं प्रेरणादायी उद्बोधन दिया। उन्होंने मकर संक्रांति के सामाजिक एवं सांस्कृतिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए समाज में एकता, सद्भाव और सामाजिक समरसता को सुदृढ़ करने का आह्वान किया। सहभोज कार्यक्रम में प्रमुख रूप से खण्ड संघचालक  बजरंग बली सिंह,  प्रेम प्रकाश , बबलू सागर, आलोक शुक्ला,  अंकित सिंह, जयप्रकाश जायसवाल, देवनारायण प्रजापति, अरविंद नारायण सिंह, निर्भय प्रकाश, कृष्ण वर्मा, राजू चौहान, राजू सिंह चंदेल, धर्मराज सिंह विक्की, सूर्य प्रताप सिंह, अशोक गुप्ता, समरजीत सिंह, फतेह बहादुर सिंह, क्रांति यादव, संतोष पांडे सुधीर पासवान, गुड्डू पांडे, दीपक मद्धेशिया, कंचन वर्मा सहित बड़ी संख्या में स्वयंसेवक एवं नगरवासी उपस्थित रहे। सभी ने आपसी भाईचारे के साथ सहभोज कर सामाजिक एकता और समरसता का संदेश दिया। कार्यक्रम के अंत में आयोजकों द्वारा सभी आगंतुकों के प्रति आभार व्यक्त किया गया तथा भविष्य में भी ऐसे सामाजिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों को निरंतर आयोजित करने का संकल्प लिया गया। यह आयोजन समाज में सौहार्द, सहयोग और एकता को मजबूत करने की दिशा में एक सार्थक पहल साबित हुआ।
नव निर्माण संस्थान के सचिव संजय शर्मा की मां की पुण्यतिथि पर जरूरतमंदों के बीच कंबल वितरण
जहानाबाद।समाज में अब धीरे-धीरे एक नई सोच और सकारात्मक परंपरा विकसित हो रही है, जहां लोग जन्मदिन या पुण्यतिथि जैसे अवसरों को केवल औपचारिक रूप से मनाने के बजाय जरूरतमंदों की मदद कर सार्थक बना रहे हैं। इसी भावना के तहत नव निर्माण संस्थान के सचिव संजय शर्मा ने अपनी मां स्वर्गीय चिंता देवी की छठी पुण्यतिथि के अवसर पर गरीब एवं असहाय लोगों के बीच कंबल का वितरण किया। यह कार्यक्रम जहानाबाद जिले के नोनही पंचायत में आयोजित किया गया, जहां बड़ी संख्या में जरूरतमंद लोगों को ठंड से राहत के लिए कंबल वितरित किए गए। कंबल पाकर लाभार्थियों के चेहरे पर खुशी साफ झलक रही थी और उन्होंने संजय शर्मा एवं नव निर्माण संस्थान के प्रति आभार प्रकट किया। इस अवसर पर कार्यक्रम में जनार्दन शर्मा, नोनही पंचायत के मुखिया मिथलेश यादव उर्फ पप्पू यादव, पूर्व जिला उपाध्यक्ष राम बाबू पासवान, पंचायत समिति सदस्य रविकांत शर्मा, रंजय शर्मा, केशरी नंदन सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान नव निर्माण संस्थान के सचिव संजय शर्मा अपनी मां को याद कर भावुक हो गए। उन्होंने कहा कि मां किसी की भी हो, उसके न रहने का दर्द शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता। उन्होंने बताया कि अपनी मां की आत्मा की शांति के लिए तथा समाज के जरूरतमंद लोगों की सेवा के उद्देश्य से कंबल वितरण किया गया है और यह सेवा कार्य आगे भी लगातार जारी रहेगा। कार्यक्रम के माध्यम से समाज को यह संदेश दिया गया कि ऐसे अवसरों पर जरूरतमंदों की मदद करना ही सच्ची श्रद्धांजलि है।
भाजपा के निर्विरोध राष्ट्रीय अध्यक्ष बने नितिन नवीन यमुनापार भाजपाईयो में हर्ष

जिलाध्यक्ष व पूर्व जिलाध्यक्ष सहित कार्यकर्ताओ ने दी बधाई कार्यकर्ताओं में उत्साह

संजय द्विवेदी प्रयागराज।बिहार सरकार के मंत्री नितिन नवीन को भारतीय जनता पार्टी का निर्विरोध राष्ट्रीय अध्यक्ष घोषित किए जाने पर भाजपा प्रयागराज यमुनापार में हर्ष का माहौल है। इस अवसर पर यमुनापार जिलाध्यक्ष राजेश शुक्ल ने उन्हें हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई देते हुए कहा कि नितिन नवीन के नेतृत्व में भाजपा संगठन और अधिक सशक्त होगा तथा देश की सेवा के संकल्प को नई ऊर्जा मिलेगी।जिलाध्यक्ष राजेश शुक्ल ने कहा कि नितिन नवीन एक कर्मठ संगठननिष्ठ और जनसेवा के प्रति समर्पित नेता हैं।उनके राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने से पार्टी कार्यकर्ताओ का मनोबल बढ़ेगा और संगठनात्मक मजबूती के साथ भाजपा नई ऊंचाइयो को छुएगी।पूर्व जिलाध्यक्ष विभवनाथ भारती ने कहा कि नितिन नवीन का निर्विरोध चयन उनके कुशल नेतृत्व और संगठन में विश्वास का प्रतीक है।उन्होंने विश्वास जताया कि उनके मार्गदर्शन में पार्टी राष्ट्र निर्माण के कार्यों को और अधिक गति देगी।इस अवसर पर जिला मीडिया प्रभारी दिलीप कुमार चतुर्वेदी मोर्चा जिलाध्यक्ष राजमणि पासवान सुभाष सिंह पटेल सुधाकर पाण्डेय अरून सिंह पप्पू सविता मिश्रा कुशल जैन आनन्द तिवारी मिथिलेश पांडेय डाँ.देवी सिंह, प्रदीप पांडेय अजय सिंह आदि पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर खुशी जाहिर की और राष्ट्रीय अध्यक्ष को शुभकामनाएं प्रेषित कीं।

जनपद में टेढ़ी नदियों के साफ-सफाई, पुनर्जीवन, जीर्णोद्धार तथा सुरक्षित क्षेत्रफल सुनिश्चित किए जाने के संबंध में आयोजित की गई बैठक


*नदियों के पुनर्जीवन एवं जीर्णोद्धार पर विशेष बल देते हुए नदियों के पुराने प्रवाह मार्गों की पहचान कर उन्हें पुनः सक्रिय किया जाय--जिलाधिकारी*


*नदियों के संरक्षण से न केवल जल संसाधनों में वृद्धि होगी, बल्कि कृषि, पर्यावरण एवं जनस्वास्थ्य पर भी सकारात्मक प्रभाव--जिलाधिकारी*

*गोण्डा 20 जनवरी,2025*।
जिला पंचायत सभागार में जिलाधिकारी गोण्डा श्रीमती प्रियंका निरंजन की अध्यक्षता में जनपद की टेढ़ी नदियों के साफ-सफाई, पुनर्जीवन, जीर्णोद्धार तथा सुरक्षित क्षेत्रफल सुनिश्चित किए जाने के संबंध में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में संबंधित तहसीलों के उपजिलाधिकारीगण, नदियों से जुड़े क्षेत्रों के राजस्व निरीक्षक एवं लेखपाल उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि टेढ़ी नदियां जनपद की प्राकृतिक धरोहर हैं, जिनका संरक्षण एवं संवर्धन अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि नदियों की नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित की जाए, ताकि जल प्रवाह बाधित न हो और पर्यावरण संतुलन बना रहे। साथ ही नदियों में हो रहे अतिक्रमण को गंभीरता से लेते हुए चिन्हांकन कर त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।

जिलाधिकारी ने पुनर्जीवन एवं जीर्णोद्धार कार्यों पर विशेष बल देते हुए कहा कि नदियों के पुराने प्रवाह मार्गों की पहचान कर उन्हें पुनः सक्रिय किया जाए। इसके लिए संबंधित राजस्व अभिलेखों का गहन अध्ययन कर सुरक्षित क्षेत्रफल का निर्धारण किया जाए, जिससे भविष्य में किसी प्रकार का अवैध निर्माण या अतिक्रमण न हो सके। उन्होंने निर्देशित किया कि सभी संबंधित अधिकारी आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए निर्धारित समयसीमा में रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
बैठक में यह भी कहा गया कि नदियों के किनारे स्थित ग्रामों में जनजागरूकता अभियान चलाकर लोगों को नदियों के महत्व, स्वच्छता एवं संरक्षण के प्रति जागरूक किया जाए।
जिलाधिकारी ने उपजिलाधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में नियमित निरीक्षण करें और किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर संबंधित कर्मियों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें।
इसके अतिरिक्त जिलाधिकारी ने कहा कि नदियों के संरक्षण से न केवल जल संसाधनों में वृद्धि होगी, बल्कि कृषि, पर्यावरण एवं जनस्वास्थ्य पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि सभी लेखपाल एवं राजस्व निरीक्षक अपने क्षेत्रों में नदियों से संबंधित समस्त जानकारी अद्यतन रखें और आवश्यकता पड़ने पर प्रशासन को तत्काल अवगत कराएं।

बैठक में जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों से अपेक्षा व्यक्त की कि जनपद की टेढ़ी नदियों को स्वच्छ, सुरक्षित एवं पुनर्जीवित करने के लिए पूरी जिम्मेदारी और संवेदनशीलता के साथ कार्य किया जाए, ताकि आने वाली पीढ़ियों के लिए इन प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण सुनिश्चित किया जा सके।

टेढ़ी नदियों के समीक्षा बैठक के दौरान अपर जिलाधिकारी आलोक कुमार, उप जिलाधिकारी सदर गोंडा, उप जिलाधिकारी करनैलगंज तथा उप जिलाधिकारी तरबगंज, डीसी मनरेगा तथा डीसी एनआरएलएम आदि सभी संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
जिलाधिकारी ने कर-करेत्तर वसूली, विभागीय कार्यों एवं सीएम डैशबोर्ड की समीक्षा बैठक की
*बैठक में संतोषजनक प्रगति न मिलने पर जिला आबकारी अधिकारी को चेतावनी जारी करने के निर्देश-डीएम*

*गोण्डा, 20 जनवरी, 2026*।
जिलाधिकारी गोंडा श्रीमती प्रियंका निरंजन की अध्यक्षता में मंगलवार को जिला पंचायत सभागार में कर-करेत्तर वसूली, विभागीय कार्यों की प्रगति तथा मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर दर्ज आंकड़ों की समीक्षा बैठक संपन्न हुई। इस बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

बैठक में जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि राजस्व वसूली से संबंधित विभाग अपने लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से पूर्ण करें। उन्होंने तहसीलवार बकाया वसूली की प्रगति की समीक्षा की और निर्देश दिए कि लंबित वसूली को प्राथमिकता पर लिया जाए। उन्होंने कहा कि राजस्व वसूली में लापरवाही या शिथिलता कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर प्रदर्शित योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने विभिन्न विभागों को निर्देशित किया कि वे पोर्टल पर अद्यतन डेटा अपलोड करें और योजनाओं के भौतिक व वित्तीय लक्ष्यों की पूर्ति सुनिश्चित करें।
उन्होंने कहा कि सीएम डैशबोर्ड राज्य सरकार की प्राथमिकताओं को दर्शाता है, अतः इसमें दर्ज आंकड़ों की प्रमाणिकता एवं समयबद्धता अत्यंत आवश्यक है।

जिलाधिकारी ने शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला कल्याण, ग्राम्य विकास, कृषि, सिंचाई, और विद्युत विभाग सहित अन्य विभागों की योजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता एवं उत्तरदायित्व सुनिश्चित करें।

बैठक के दौरान कर एवं निबंधन विभाग, आबकारी, नगर निकायों, जल निगम तथा अन्य राजस्व से संबंधित विभागों को विशेष रूप से निर्देशित किया गया कि वे लक्ष्य के अनुरूप वसूली सुनिश्चित करें और उच्चाधिकारियों को नियमित रिपोर्ट उपलब्ध कराएं।

जिलाधिकारी ने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप कार्यों में गति लाना और जनता को योजनाओं का लाभ समय पर दिलाना प्रशासन की जिम्मेदारी है। उन्होंने सभी अधिकारियों से अपेक्षा की कि वे समर्पण और उत्तरदायित्व के साथ कार्य करें, ताकि जनहितकारी योजनाएं धरातल पर प्रभावी रूप से लागू हो सकें।
समीक्षा के दौरान आबकारी विभाग की प्रगति असंतोषजनक मिलने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए जिला आबकारी अधिकारी को लक्ष्य पूरा करने हेतु चेतावनी निर्गत करने के लिए निर्देश दिए हैं।

बैठक के दौरान मुख्य विकास अधिकारी श्रीमती अंकिता जैन, अपर जिलाधिकारी आलोक कुमार, उपजिलाधिकारी सदर गोंडा, कर्नलगंज, तरबगंज तथा मनकापुर अपर उपजिलाधिकारी विशाल कुमार,  अपर उपजिलाधिकारी जितेंद्र गौतम, सहित सभी संबंधित विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।
झारखण्ड केवल खनिजों और प्राकृतिक संसाधनों का निर्यातक राज्य बनकर नहीं रहना चाहता: हेमन्त सोरेन

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मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में भारतीय उद्योग परिसंघ (CII) द्वारा आयोजित उच्चस्तरीय राउंडटेबल मीटिंग “Delivering Sustainability at Scale: Pathways for Global Transformation” में भाग लिया।

झारखण्ड के लोगों को प्रत्यक्ष लाभ देने का लक्ष्य

इस अवसर पर वैश्विक नीति-निर्माताओं, उद्योग जगत के नेताओं एवं संस्थागत निवेशकों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखण्ड केवल खनिजों और प्राकृतिक संसाधनों का निर्यातक राज्य बनकर नहीं रहना चाहता। राज्य सरकार का लक्ष्य संसाधनों के मूल्य संवर्धन, सतत औद्योगिकीकरण और जन-केंद्रित विकास की दिशा में आगे बढ़ना है, जिससे झारखण्ड के लोगों को प्रत्यक्ष लाभ मिले। “हमारा उद्देश्य केवल प्राकृतिक संसाधनों का दोहन नहीं, बल्कि उनका जिम्मेदार और सतत उपयोग सुनिश्चित करना है, ताकि रोजगार के अवसर सृजित हों और लोगों का जीवन स्तर बेहतर हो।” उन्होंने इस बात पर बल दिया कि सततता का अर्थ केवल पर्यावरण संरक्षण नहीं, बल्कि आजीविका, कौशल विकास और सामाजिक समावेशन से भी है, विशेषकर स्थानीय एवं आदिवासी समुदायों के लिए।

मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार की उन पहलों का उल्लेख किया जिनके माध्यम से खनिज आधारित डाउनस्ट्रीम उद्योगों, नवीकरणीय ऊर्जा, हरित प्रौद्योगिकी और मानव संसाधन विकास के जरिए रोजगार सृजन को बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने आर्थिक विकास के साथ पर्यावरणीय एवं सामाजिक संतुलन बनाए रखने की आवश्यकता पर जोर दिया।

पर्यटन के विकास पर भी जोर

मुख्यमंत्री ने झारखण्ड की विशाल और अब तक काफी हद तक अप्रयुक्त पर्यटन संभावनाओं पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि राज्य इको-टूरिज्म, प्रकृति आधारित पर्यटन और सांस्कृतिक पर्यटन को सतत विकास के एक महत्वपूर्ण स्तंभ के रूप में विकसित करना चाहता है, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजित हो और प्राकृतिक एवं सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण सुनिश्चित किया जा सके। दीर्घकालिक विकास दृष्टि को दोहराते हुए मुख्यमंत्री ने वैश्विक निवेशकों और साझेदारों को जिम्मेदार खनन, सतत विनिर्माण, नवीकरणीय ऊर्जा तथा पर्यटन अवसंरचना के क्षेत्र में झारखंड के साथ सहयोग के लिए आमंत्रित किया।

CII द्वारा आयोजित इस वैश्विक सततता संवाद में झारखण्ड की भागीदारी राज्य की उस प्रतिबद्धता को दर्शाती है, जिसके तहत आर्थिक विकास को पर्यावरणीय जिम्मेदारी और सामाजिक समावेशन के साथ जोड़ा जा रहा है।

मुख्यमंत्री और राज्य सरकार के दावोस - यूके के मोर्चे पर किए प्रयासों से कुछ सीखें बाबूलाल : विनोद कुमार पाण्डेय

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झारखंड मुक्ति मोर्चा के केंद्रीय  महासचिव विनोद कुमार पाण्डेय ने कहा है कि उन्हें उम्मीद है कि नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी के पास व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी के फॉरवर्ड मैसेज से कहीं अधिक ज्ञान है। इसलिए उनसे यह अपेक्षा भी है कि वे यह समझें कि माननीय मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की विदेश यात्रा और वहां होने वाली सभी बैठकें उच्चतम स्तर पर स्वीकृत हैं। मुख्यमंत्री ऑक्सफोर्ड केवल किसी एक औपचारिक मुलाकात के लिए नहीं, बल्कि कई महत्वपूर्ण और प्रतिष्ठित कार्यक्रमों व संवादों के लिए जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री पूरी तैयारी और स्पष्ट उद्देश्य के साथ इस यात्रा पर हैं। वे सभी दृष्टिकोणों को सम्मान देने, सभी की बात सुनने और समझने की लोकतांत्रिक भावना के साथ भारत और झारखंड का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। यह वही भारत की भावना है जो समावेशी, सहयोगी और मिलनसार है—और जिस पर पूरे देश को गर्व है।

उन्होंने कहा कि झामुमो बाबूलाल जी और भाजपा को यह भी सलाह देती है कि वे गंभीरता से यह समझने का प्रयास करें कि कोई राज्य सिर्फ छह हफ्तों की तैयारी में दावोस कैसे पहुंचता है, और फिर भारत–यूके मुक्त व्यापार समझौते के तुरंत बाद यूके पहुंचने वाला पहला राज्य कैसे बनता है। यह उपलब्धि बयानबाजी से नहीं, बल्कि दूरदर्शी नेतृत्व और सक्षम शासन से हासिल होती है। इसलिए ट्रोल की तरह व्यवहार करने के बजाय नेता प्रतिपक्ष को चाहिए कि वे माननीय मुख्यमंत्री और राज्य सरकार के दावोस और यूके—दोनों मोर्चों पर किए गए प्रयासों से कुछ सीखें।

महासचिव विनोद पाण्डेय ने कहा कि यह झारखंड के लिए गर्व की बात है कि माननीय मुख्यमंत्री को ऑल सोल्स कॉलेज और सेंट जॉन कॉलेज में आधिकारिक मान्यता मिली—वही सेंट जॉन कॉलेज जहां मरांग गोमके जयपाल सिंह मुंडा ने शिक्षा प्राप्त की थी—और उन्होंने ब्लावटनिक स्कूल ऑफ गवर्नमेंट में व्याख्यान दिया, जो दुनिया के सर्वश्रेष्ठ गवर्नेंस संस्थानों में से एक है।

झामुमो नेता ने कहा कि हम बाबूलाल जी को मित्रवत सलाह देते हैं कि वे थोड़ा ब्रेक लें, और आरोप लगाने से पहले माननीय मुख्यमंत्री की दावोस और यूके यात्रा के उद्देश्य, उपलब्धियों और महत्व को समझने की कोशिश करें। जलन और नकारात्मक राजनीति छोड़िए, और ग्लोबल मंच पर झारखंड के गर्वपूर्ण प्रतिनिधित्व के बारे में सोचिए—यही एक जिम्मेदार विपक्ष की पहचान होती है।

वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम: ऊर्जा और समावेशी विकास के वैश्विक संवाद में झारखंड की सशक्त भागीदारी"

वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (WEF) की बैठक के दूसरे दिन झारखंड के मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने अंतरराष्ट्रीय नीति निर्माताओं और निवेशकों के बीच राज्य की स्वच्छ ऊर्जा और भविष्य-उन्मुख नीतियों को मजबूती से रखा। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि वैश्विक जलवायु लक्ष्यों को प्राप्त करने में राज्यों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है।

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वैश्विक मंच पर इंटर-मिनिस्टीरियल डायलॉग

मुख्यमंत्री ने एक विशेष सत्र में हिस्सा लिया, जिसमें स्लोवाकिया के पूर्व मंत्री वाजिल हुडाक सहित कई वैश्विक नेता उपस्थित थे। चर्चा का मुख्य केंद्र 'सतत और समावेशी आर्थिक विकास' रहा। इस दौरान मुख्यमंत्री ने झारखंड में निम्नलिखित क्षेत्रों में निवेश और सहयोग की संभावनाओं पर जोर दिया:

नवीकरणीय ऊर्जा (Renewable Energy) का विस्तार।

भारी वाहन निर्माण (Heavy Vehicle Manufacturing) में निवेश।

बागवानी (Horticulture) में टिकाऊ और आधुनिक पद्धतियाँ।

ऊर्जा प्रणालियों का विस्तार और क्षेत्रीय नेतृत्व

मुख्यमंत्री ने “कैपिटल इन एक्शन: स्केलिंग एनर्जी सिस्टम्स” विषयक चर्चा में भाग लेते हुए कहा कि स्वच्छ ऊर्जा के विस्तार के लिए प्रभावी नीतिगत समन्वय और नवाचार आधारित वित्तपोषण (Innovation-based Financing) समय की मांग है।

झारखंड का संकल्प: संतुलन और रोजगार

मुख्यमंत्री ने वैश्विक नेताओं के सामने झारखंड का पक्ष रखते हुए कहा:

"झारखंड औद्योगिक विकास को पर्यावरणीय जिम्मेदारी के साथ संतुलित करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। हमारा लक्ष्य केवल उद्योग लगाना नहीं, बल्कि रोजगार सृजन और क्षेत्रीय आर्थिक मजबूती को सुनिश्चित करना है।"

मिशन वात्सल्य की बैठक में डीएम ने वात्सल्यो को दिलाई शपथ, घरों को छोड़कर रहने वाले बच्चों और बुजुर्गों को पुनर्वास भेजने का कार्य करें अधिकारी

फर्रुखाबाद।”मिशन वात्सल्यं“ के तहत जिला बाल कल्याण एवं संरक्षण समिति, उ0प्र0 मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना जिला टास्क फोर्स की बैठक, बाल विवाह-डिस्ट्रिक टास्क फोर्स, जिला स्तरीय रेस्क्यू टास्क फोर्स की बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी आशुतोष कुमार द्विवेदी की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई l ”मिशन वात्सल्य“ के अन्तर्गत जिला बाल कल्याण एवं संरक्षण समिति, उ0प्र0 मुख्यमंत्री बाल सेवा योजनान्तर्गत जिला टास्क फोर्स की बैठक।

बाल विवाह-डिस्ट्रिक टास्क फोर्स एवं जिला स्तरीय रेस्क्यू टास्क फोर्स की बैठक में जिलाधिकारी द्वारा अपर जिलाधिकारी एवं समस्त खण्ड विकास अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वार्ड स्तर एवं ग्राम स्तर पर समितियों की बैठक रोस्टर जारी कर प्रत्येक त्रैमास में ही सम्पन्न करायी जायें l साथ ही ग्राम चैपाल के एजेण्डा में शामिल किया जाये। साथ ही समस्त खण्ड विकास अधिकारी ब्लाॅक बाल कल्याण संरक्षण समिति की बैठकों को 01 वर्ष के रोस्टर के अनुसार नियमित रूप से सम्पन्न करायें।जिलाधिकारी द्वारा 100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के अन्तर्गत बाल विवाह रोकथाम हेतु शपथ भी दिलायी गयी।


जनपद के होटल/ढाबों/कारखानों पर श्रम विभाग द्वारा बाल श्रमिकों के सम्बन्ध में निरन्तर अभियान चलाया जाये। ए0आर0टी0ओ0 को निर्देशित किया गया कि गम्भीरता और सघनता के साथ अभियान चलाकर जनपद में 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चों द्वारा स्कूटी/किसी भी प्रकार वाहन एवं ई-रिक्शा चलाते हुए पाये जाने पर कार्यवाही की जाये। जिला विद्यालय निरीक्षक एवं जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी द्वारा प्रत्येक विद्यालय में बाल विवाह रोकथाम हेतु प्रत्येक माह एक गोष्ठी का आयोजन किया जाये एवं बाल विवाह के दुष्परिणामों के सम्बन्ध में बच्चों को जागरूक किया जाये। बाल विवाह को रोकने हेतु चाईल्ड हेल्पलाइन नम्बर-1098, इमरजेंसी नम्बर 112 अथवा विभागीय सी0यू0जी0 नम्बर 7518024057 पर सूचना दें। अपर पुलिस अधीक्षक को बाल विवाह की रोकथाम हेतु एक सर्कुलर जारी करने के निर्देश दिये गये

। 100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के अन्तर्गत बाल विवाह रोकथाम हेतु जनपद के समस्त विद्यालयों/कालेजों के शिक्षकों द्वारा अनिवार्य रूप से पोर्टल पर ऑनलाइन शपथ लेने हेतु जिला विद्यालय निरीक्षक एवं जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को निर्देशित किया गया ।

जनपद स्तर पर कठिन परिस्थितियों में सड़क पर मिलने वाले अनाथ, परित्यक्त या आपात स्थिति में रह रहे लोगों के सम्बन्ध में उनके पुनर्वासन की कार्यवाही किये जाने हेतु सम्बन्धित विभागों की एक संयुक्त समिति द्वारा औचक ड्राइव का संचालन किया जाये। रेस्क्यू के दौरान मिलने वाले बच्चों एवं महिलाओं को यथासम्भव परिवार में पुनर्वासित कराने अथवा महिला कल्याण विभाग द्वारा संचालित बाल देखरेख संस्थाओं एवं महिला आश्रय गृहों में आवासित कराने हेतु कार्यवाही किये जाने के निर्देश दिये।

इस मौके पर मुख्य विकास अधिकारी अरविन्द कुमार गौड़, मुख्य विकास अधिकारी अवनीन्द्र कुमार, अपर जिलाधिकारी अरूण कुमार सिंह, उप जिलाधिकारी रजनीकान्त सी0ओ0 सिटी ऐश्वर्या उपाध्याय, जिला प्रोबेशन अधिकारी अनिल चन्द्र, जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी, ए0आर0टी0ओ0, समस्त खण्ड विकास अधिकारी, संरक्षण अधिकारी, विधि सह परिवीक्षा अधिकारी आदि उपस्थित रहे।
सोनभद्र: ड्रग इंस्पेक्टर की छापेमारी से दवा विक्रेताओं में हड़कंप, बजरंग मेडिकल स्टोर की बिक्री पर रोक

विकास कुमार

सोनभद्र। जिले के रॉबर्ट्सगंज और ओबरा नगरीय क्षेत्रों में दवाओं की बिक्री में मिल रही अनियमितताओं की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। ड्रग इंस्पेक्टर राजेश कुमार मौर्या ने सोमवार की देर शाम तक विभिन्न मेडिकल स्टोरों का औचक निरीक्षण किया। इस अचानक हुई छापेमारी से दवा विक्रेताओं में अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जिसके चलते कई संचालक अपनी दुकानें बंद कर मौके से भाग निकले।

निरीक्षण के दौरान ओबरा स्थित बजरंग मेडिकल स्टोर में भारी अनियमितताएं पाई गईं। ड्रग इंस्पेक्टर ने बताया कि जांच के समय संचालक स्टोर में मौजूद दवाओं के वैध बिल प्रस्तुत करने में असमर्थ रहे। इसके अतिरिक्त, संदेह के आधार पर दो दवाइयों के नमूने (सैंपल) लेकर राजकीय लैब में परीक्षण के लिए भेजे गए हैं। नियमों के उल्लंघन पर कड़ा रुख अपनाते हुए विभाग ने औषधि एवं सौंदर्य प्रसाधन सामग्री अधिनियम 1940 के तहत उक्त मेडिकल स्टोर की खरीद और बिक्री पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है।

ड्रग इंस्पेक्टर राजेश कुमार मौर्या ने स्पष्ट किया कि जो संचालक निरीक्षण के दौरान दुकानें बंद कर भागे हैं, उन्हें चिन्हित कर चेतावनी जारी कर दी गई है। उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य से खिलवाड़ और नकली दवाओं की बिक्री किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी मेडिकल स्टोर संचालकों को नियमानुसार संचालन और पारदर्शी बिलिंग व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं, अन्यथा उनके लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई की जाएगी।