ARTO कार्यालय सुल्तानपुर का RTO अयोध्या द्वारा किया गया औचक निरीक्षण, स्कूल वाहन स्वामियों की बैठक कर प्रपत्र वैध कराने हेतु दिए कड़े निर्देश*
सुल्तानपुर,एआरटीओ कार्यालय सुल्तानपुर का अयोध्या आरटीओ प्रशासन द्वारा आज औचक निरीक्षण किया गया,तत्काल उसके कार्यालय में एक बैठक कि गई,जिसमें स्कूल प्रवंधन और स्कूल प्रबंधक,वाहन स्वामियों के साथ जिला विद्यालय निरीक्षक और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। आरटीओ प्रशासन अयोध्या द्वारा बताया गया कि शासन की मंशानुरूप एवं परिवहन आयुक्त उत्तर प्रदेश के निर्देशो के क्रम में स्कूल वाहनों के शत-प्रतिशत प्रपत्र एवं फिटनेस,पंजीयन,पीयूसी परमिट आदि सभी प्रपत्र वैध कराने के उद्देश्य से आरटीओ प्रशासन अयोध्या सुश्री ऋतु सिंह द्वारा सुल्तानपुर कार्यालय का आज औचक निरीक्षण किया गया। उसके बाद 50 स्कूल वाहनों के स्वामियों और स्कूल प्रबंधन के साथ बैठक की,जिसमें उत्तर प्रदेश मोटरयान नियमावली वह 28वां संशोधन नियमावली में दिए गए नियमों के विस्तार पूर्वक अवगत कराते हुए उपस्थित स्कूल प्रबंधकों को सभी प्रपत्र वैध करते हुए स्कूल परमिट हेतु तत्काल स्वयं आवेदन करने के सख्त निर्देश दिए गए और ऐसे वाहन जिनमें फिटनेस आदि वैध है तथा प्रदूषण प्रमाण पत्र आदि कमियां हैं,उन्हें 24 घंटे के अंदर निर्धारित प्रपत्र प्राप्त करते हुए स्कूलयान परमिट हेतु आवेदन करने की सख्त चेतावनी दी। बैठक में मौजूद एआरटीओ प्रशासन सुश्री अलका शुक्ला,एआरटीओ परिवर्तन श्री भूपेश गुप्ता,पीटीओ श्री शैलेंद्र तिवारी ने अवगत कराया कि बिना फिटनेस बिना परमिट वाली वाहनों को चालान और बंद किया जा रहा है और निलंबन अवधि पूरे होने के बावजूद प्रपत्र वैध न कराने वाले वाहनों के अभिलेखों का परीक्षण करके ब्लैक लिस्ट किया गया है,जहां 434 नोटिस भेजे गए हैं,और 174 वाहनों के पंजीयन निलंबन की कार्यवाही भी की गई है।
ग्लोबल स्कूल ऑफ गोविंदपुर में स्वास्थ्य जाँच शिविर और ‘समावेशी शिक्षा’ पर अभिभावक उन्मुखीकरण कार्यक्रम संपन्न

ग्लोबल स्कूल ऑफ गोविंदपुर में बुधवार को अभिभावक उन्मुखीकरण एवं स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ "जीवन" एनजीओ के संस्थापक श्री अनिल सिंह ने समावेशी शिक्षा विषय पर संबोधन किया। आसर्फी अस्पताल, धनबाद के सहयोग से विद्यालय परिसर में निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर भी लगाया गया।

ग्लोबल स्कूल ऑफ इंडिया के संचालक डॉ. एस. खालिद ने कार्यक्रम का उदेश्य बताया। उन्होंने अपने संबोधन में नियमित स्वास्थ्य जांच के महत्व तथा अभिभावक-विद्यालय के बीच बेहतर समन्वय पर जोर दिया।

विद्यालय की प्राचार्या चाँदनी त्रिगुनायत ने सभी अतिथियों, अभिभावकों एवं सहयोगी संस्थाओं के प्रति आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर विद्यालय की अध्यक्ष डॉ. निकहत परवीन भी उपस्थित थीं।

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में अभिभावकों व विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।कार्यक्रम का संचालन विद्यार्थियों द्वारा किया गया।

मीरा भायंदर महानगरपालिका के सभागृह नेता बने एड. रवि व्यास
भायंदर। भारतीय जनता पार्टी ने पूर्व जिलाध्यक्ष तथा मीरा भायंदर विधानसभा चुनाव के प्रमुख रहे एडवोकेट रवि व्यास को मीरा भायंदर महानगरपालिका में सभागृह नेता (Leader of house) की बड़ी जिम्मेदारी दी है। सभागृह नेता महानगरपालिका में सरकार का मुख्य चेहरा होता है, जो प्रशासनिक कार्यों को गति देने और पार्षदों की भूमिका को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए जिम्मेदार होता है। महानगरपालिका में सभागृह नेता सदन का संचालन और नीति निर्धारण करने के साथ-साथ सत्ता पक्ष का नेतृत्व करता है। पार्टी के सभी पार्षदों के बीच समन्वय और एकता बनाए रखने की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी का भी निर्वहन करता है। शहर के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लेता है। सदन में सत्ता पक्ष का नेतृत्व करता है। एड.रवि व्यास को सभागृह नेता बनाए जाने पर पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं में खुशी देखी जा रही है। मीरा भायंदर की आम जनता ने भी उन्हें सभागृह नेता बनाए जाने का स्वागत किया है। एड व्यास ने दी गई जिम्मेदारी के लिए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, भाजपा अध्यक्ष रविंद्र चव्हाण तथा विधायक नरेंद्र मेहता के प्रति आभार जताते हुए कहा कि वे दी गई जिम्मेदारी का निर्वहन पूरे मनोयोग और समर्पित भावना के साथ करेंगे।
ARTO प्रशासन सुल्तानपुर और RTO प्रशासन अयोध्या द्वारा स्कूल वाहनों स्वामियों के साथ बैठक कर प्रपत्र वैध कराने हेतु दिए कड़े निर्देश*
जनपद सुल्तानपुर में आरटीओ प्रशासन अयोध्या औचक निरीक्षण निरीक्षक करने पहुंचे। स्कूल वाहनों पर सख्ती* *पत्र वैध कराने के निर्देश, नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई की चेतावनी* सुल्तानपुर, सुल्तानपुर में सड़क सुरक्षा को लेकर प्रशासन सख्त नजर आ रहा है। इसी क्रम में एआरटीओ (प्रशासन) द्वारा मंगलवार को औचक निरीक्षण अभियान चलाया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में स्कूल वाहनों की जांच की गई और वाहन स्वामियों व संचालकों के साथ बैठक कर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए। निरीक्षण में करीब 50 से अधिक स्कूल वाहनों की जांच की गई, जिसमें कई वाहनों में फिटनेस, परमिट, बीमा सहित जरूरी दस्तावेजों की कमी पाई गई। अधिकारियों ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी स्कूल वाहन संचालक 24 घंटे के भीतर अपने वाहनों के दस्तावेज दुरुस्त कराएं, अन्यथा कड़ी कार्रवाई की जाएगी। नियमों का पालन न करने पर होगी सख्त कार्रवाई बैठक के दौरान एआरटीओ ने बताया कि बिना फिटनेस और वैध परमिट के चलने वाले वाहनों को तुरंत बंद किया जाएगा। साथ ही ऐसे वाहनों के खिलाफ चालान और अन्य दंडात्मक कार्रवाई भी की जाएगी। स्कूल प्रबंधन को भी चेतावनी प्रशासन ने स्कूल प्रबंधन को भी चेतावनी दी है कि वे केवल मानक के अनुरूप वाहनों का ही उपयोग करें। बच्चों की सुरक्षा से कोई समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सुरक्षा मानकों पर विशेष जोर निरीक्षण के दौरान निम्न बिंदुओं पर विशेष ध्यान दिया गया— वाहनों में फर्स्ट एड बॉक्स की उपलब्धता अग्निशमन यंत्र (फायर एक्सटिंग्विशर) सीटों की उचित व्यवस्था महिला परिचालक की नियुक्ति ड्राइवर का वैध लाइसेंस जिले में बड़ी संख्या में अपूर्ण दस्तावेज अधिकारियों ने बताया कि जिले में अभी भी बड़ी संख्या में स्कूल वाहन ऐसे हैं जिनके दस्तावेज अधूरे हैं। इस पर नाराजगी जताते हुए एआरटीओ ने सभी संबंधितों को निर्देशित किया कि वे जल्द से जल्द नियमों का पालन सुनिश्चित करें। जागरूकता अभियान भी चलाया जाएगा प्रशासन द्वारा यह भी बताया गया कि आने वाले दिनों में स्कूल वाहन संचालकों के लिए जागरूकता अभियान चलाया जाएगा, ताकि वे नियमों की पूरी जानकारी लेकर उनका पालन कर सकें। : सुल्तमें बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए प्रशासन पूरी तरह सख्त हो गया है। नियमों की अनदेखी करने वाले वाहन मालिकों के खिलाफ अब किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बीसी सखी कार्यक्रम से बदल रही यूपी की ग्रामीण तस्वीर, महिलाओं को मिला आत्मनिर्भरता का नया आधार
“एक ग्राम पंचायत–एक बीसी सखी” मॉडल से गांव-गांव पहुंचीं बैंकिंग सेवाएं, 44 हजार करोड़ से अधिक लेन-देन

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में ग्रामीण विकास और महिला सशक्तिकरण की दिशा में “बीसी सखी कार्यक्रम” एक प्रभावशाली पहल के रूप में उभरकर सामने आया है। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के नेतृत्व में संचालित यह योजना गांव-गांव तक बैंकिंग सेवाएं पहुंचाने के साथ महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बना रही है।
उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत चल रहे इस कार्यक्रम का उद्देश्य स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को प्रशिक्षित कर उन्हें बैंकिंग प्रतिनिधि (बीसी सखी) के रूप में स्थापित करना है। “एक ग्राम पंचायत–एक बीसी सखी” के सिद्धांत पर आधारित यह योजना लाखों ग्रामीण परिवारों के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही है।
वर्तमान में प्रदेश में लगभग 40 हजार बीसी सखियां सक्रिय हैं, जो गांव-गांव जाकर बैंकिंग सेवाएं प्रदान कर रही हैं। इनके माध्यम से अब तक 44 हजार करोड़ रुपये से अधिक का वित्तीय लेन-देन किया जा चुका है। ये सखियां नकद जमा-निकासी, आधार आधारित भुगतान (AePS), बैलेंस जांच, बीमा, पेंशन और ऋण पुनर्भुगतान जैसी सेवाएं उपलब्ध करा रही हैं।
यह कार्यक्रम न केवल वित्तीय समावेशन को बढ़ावा दे रहा है, बल्कि महिलाओं को डिजिटल और आर्थिक रूप से भी सशक्त बना रहा है। सुल्तानपुर की प्रियंका मौर्य और लखनऊ की अनीता पाल जैसी बीसी सखियां प्रतिमाह औसतन 45 हजार रुपये से अधिक का कमीशन अर्जित कर रही हैं। अब तक बीसी सखियों द्वारा 121 करोड़ रुपये से अधिक का कमीशन अर्जित किया जा चुका है।
कार्यक्रम में भारतीय स्टेट बैंक और बैंक ऑफ बड़ौदा सहित कई सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक साझेदार के रूप में जुड़े हैं, जिनके सहयोग से ग्रामीण क्षेत्रों में बैंकिंग सेवाओं का विस्तार हो रहा है। बीसी सखियों को माइक्रो एटीएम, लैपटॉप और स्मार्टफोन जैसे डिजिटल उपकरणों से भी सशक्त किया जा रहा है।
सरकार इस योजना के दायरे को और बढ़ाने की दिशा में काम कर रही है। बीसी सखियों को जन सेवा केंद्र संचालन, बीमा सेवाएं, आरडी खाता खोलना, ऋण वितरण और डाकघर योजनाओं से जोड़ने की तैयारी है। भविष्य में उन्हें आधार अपडेट जैसी सेवाओं से भी जोड़ा जा सकता है।
जनपद स्तर पर भी इस योजना के प्रभावी क्रियान्वयन में प्रतिस्पर्धा देखने को मिल रही है। वर्तमान में प्रयागराज पहले स्थान पर है, जबकि बरेली और शाहजहांपुर क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर हैं।
मिशन निदेशक दीपा रंजन के अनुसार, लक्ष्य है कि जल्द ही सभी ग्राम पंचायतों में बीसी सखी की नियुक्ति सुनिश्चित की जाए, ताकि “आत्मनिर्भर ग्रामीण महिला–आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश” के संकल्प को साकार किया जा सके। यह योजना न केवल महिलाओं को सम्मानजनक आजीविका दे रही है, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती प्रदान कर रही है।
देवघर-महान रोटेरियन स्व. अभय श्रॉफ को संगीत समारोह में भावभीनी श्रद्धांजलि।
देवघर: के शिल्पग्राम ऑडिटोरियम में संस्कृती वाटिका एवं रोटरी क्लब ऑफ देवघर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित “गुरु असित मुखर्जी मेमोरियल सिंगिंग ग्रैंड फिनाले सीजन-2” के दौरान महान समाजसेवी एवं रोटरी क्लब ऑफ देवघर के स्तंभ स्वर्गीय रोटेरियन अभय श्रॉफ को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। यह भव्य संगीत समारोह केवल प्रतिभाओं का मंच नहीं बना, बल्कि देवघर की एक महान विभूति को याद करने और उनके अतुलनीय योगदान को नमन करने का भावुक अवसर भी बना। कार्यक्रम में उपस्थित रोटेरियंस, समाजसेवियों, कलाकारों एवं नागरिकों ने स्व. अभय श्रॉफ को याद करते हुए उन्हें सेवा, समर्पण और मानवता का प्रतीक बताया। कार्यक्रम के दौरान संस्कृती वाटिका, देवघर के निदेशक बिस्वजीत दास ने अत्यंत भावुक अंदाज में प्रसिद्ध गीत “ना चिट्ठी ना संदेश” प्रस्तुत किया। गीत की मार्मिक प्रस्तुति ने पूरे सभागार को भावुक कर दिया और उपस्थित लोगों की आंखें नम हो गईं। इसके उपरांत सभी लोगों ने खड़े होकर एक मिनट का मौन रख स्व. रोटेरियन अभय श्रॉफ को श्रद्धांजलि अर्पित की। पूरा वातावरण श्रद्धा, सम्मान और भावनाओं से भर गया। इस अवसर पर रोटरी परिवार की ओर से चार्टर प्रेसिडेंट रोटेरियन गोविंद प्रसाद डालमिया, रोटेरियन डॉ. सुनील कुमार सिन्हा, रोटेरियन विजय मुंद्रा, रोटेरियन सुरेंद्र सिंघानिया, रोटेरियन डॉ. संजय भगत, रोटेरियन आनंद साह, रोटेरियन प्रमोद चौचरिया, क्लब सचिव रोटेरियन नितेश बठवाल, एवं वर्तमान अध्यक्ष रोटेरियन पीयूष जायसवाल विशेष रूप से उपस्थित रहे। रोटेरियन पीयूष जायसवाल ने श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि “स्व. रोटेरियन अभय श्रॉफ केवल एक व्यक्ति नहीं, बल्कि रोटरी क्लब ऑफ देवघर की आत्मा थे। उनका जीवन सेवा, समर्पण, अनुशासन और मानवता का जीवंत उदाहरण था। उन्होंने जिस निष्ठा और प्रेम से रोटरी को आगे बढ़ाया, वह आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव प्रेरणा का स्रोत रहेगा। देवघर समाज और रोटरी परिवार उनके योगदान को कभी नहीं भूल पाएगा।” 15 सितंबर 1946 को देवघर में जन्मे स्व. अभय श्रॉफ ने अपना पूरा जीवन देवघर और यहां की जनता की सेवा में समर्पित कर दिया। वे वर्ष 1981 में रोटरी क्लब ऑफ देवघर के संस्थापक सदस्यों में से एक थे और लगातार 44 वर्षों तक रोटरी से जुड़े रहे। इस दौरान उन्होंने दो बार क्लब अध्यक्ष के रूप में नेतृत्व किया और रोटरी के विभिन्न सामाजिक कार्यों को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। विशेष रूप से वार्षिक रोटरी मेले के सफल आयोजन में उनका योगदान अविस्मरणीय रहा। कई अवसरों पर उन्होंने अकेले अपने नेतृत्व और मेहनत से पूरे आयोजन को सफल बनाया। उनके व्यक्तित्व में सरलता, विनम्रता, प्रेम और सेवा भावना का अद्भुत संगम था। वे किसी के प्रति दुर्भावना नहीं रखते थे और सदैव समाजहित में कार्य करते रहे। वे एक सफल व्यवसायी होने के साथ-साथ पुस्तकों, ज्ञान और अध्यात्म के प्रति गहरी रुचि रखते थे। उनके घर की निजी लाइब्रेरी उनकी अध्ययनशील प्रवृत्ति का प्रमाण थी। वे एक प्रभावशाली वक्ता भी थे, जिनकी वाणी में स्पष्टता, संवेदनशीलता और प्रेरणा झलकती थी। स्व. अभय श्रॉफ को बागवानी से विशेष प्रेम था। देवघर में आयोजित वार्षिक पुष्प प्रदर्शनी में वे लगातार कई पुरस्कार जीतते रहे। उनका जीवन सेवा, संस्कार और समाज के प्रति समर्पण की मिसाल था। कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों ने कहा कि स्व. अभय श्रॉफ केवल एक रोटेरियन नहीं, बल्कि अपने आप में एक संस्था थे, जिनकी प्रेरणा आने वाली पीढ़ियों को सदैव मार्गदर्शन देती रहेगी। इस अवसर पर आयोजित “गुरु असित मुखर्जी मेमोरियल सिंगिंग ग्रैंड फिनाले 2026” भी अत्यंत भव्य एवं सफल रहा। झारखंड, बिहार एवं पश्चिम बंगाल से 1200 से अधिक प्रतिभागियों ने ऑडिशन दिया था, जिनमें से चयनित जूनियर एवं सीनियर वर्ग के प्रतिभागियों ने फाइनल में शानदार प्रस्तुति दी। संस्कृती वाटिका के मुख्य स्तंभ बिस्वजीत दास (सहायक प्राध्यापक, DIPSER कॉलेज) एवं तृषा दास (नृत्य शिक्षिका, देवसंग स्कूल) को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। पिछले 15 वर्षों से दोनों संगीत एवं वाद्ययंत्र की शिक्षा देकर देवघर की प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने का कार्य कर रहे हैं। कार्यक्रम में अनाथालय के बच्चों की प्रस्तुति ने सभी को भावुक कर दिया। वहीं इंडियन आइडल सीजन-2 के फाइनलिस्ट एवं प्रसिद्ध गायक आद्रिज घोष मुख्य निर्णायक के रूप में उपस्थित रहे और प्रतिभागियों की सराहना की। *प्रतियोगिता के विजेता इस प्रकार रहे:* जूनियर वर्ग: प्रथम – Md. Rehan Shaikh द्वितीय – Shreayanshu Karmakar तृतीय – Kanishk Kr. Suman सीनियर वर्ग: प्रथम – Nitin Kumar द्वितीय – Shashwat तृतीय – Shobhit Sharma विशेष पुरस्कार: Best Performer – Md. Rehan Shaikh Sri Sushil Kumar Das Memorial Award – Chandan Kumar पूरा कार्यक्रम स्व. अभय श्रॉफ की यादों, उनके आदर्शों और समाज सेवा के प्रति उनके समर्पण को समर्पित रहा। ईश्वर उनकी पुण्य आत्मा को शांति प्रदान करें।
पलामू में भाजपा का महासंग्राम: मटका फोड़ प्रदर्शन कर घेरा DC दफ्तर, अमर बाउरी बोले- "खून चूस रही है हेमंत सरकार"

पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत बुधवार को पलामू में भारतीय जनता पार्टी की तरफ से बिजली और पानी को लेकर लगातार हो रही समस्याओं के खिलाफ विशाल प्रदर्शन उपायुक्त कार्यालय के समक्ष किया गया। प्रदर्शन की शुरुआत काली मंदिर रेडमा चौक से की गई, जहां से सैकड़ो की संख्या में पुरुष एवं महिलाओं ने सांकेतिक रूप से मटका और हाथों में तख्तियां लेकर उपायुक्त कार्यालय तक पैदल मार्च किया। इस दौरान राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी में की गई।

कार्यक्रम में मुख्य रूप से झारखंड के पूर्व नेता प्रतिपक्ष एवं भारतीय जनता पार्टी झारखंड प्रदेश के महामंत्री अमर कुमार बाउरी, प्रदेश महामंत्री मनोज कुमार सिंह, डाल्टनगंज विधायक आलोक चौरसिया, पूर्व विधायक पुष्पा देवी, पूर्व सांसद मनोज कुमार भुइँया, जिला अध्यक्ष अमित तिवारी, भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष प्रभात भुइंया सहित सैकड़ो कार्यकर्ता सम्मिलित हुए।

मौके पर लोगों को संबोधित करते हुए पूर्व नेता प्रतिपक्ष एवं भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश महामंत्री अमर कुमार बाउरी ने कहा कि हेमंत सोरेन की सरकार गरीब जनता का न सिर्फ पानी बल्कि उनका खून भी चूस रही है। जिस तरह से पूरे राज्य में 80000 से भी अधिक चापानल छोटी-छोटी खराबियों के कारण बंद पड़े हैं, उसे ठीक करवाने या उसे बदलवाने का कार्य राज्य की हेमंत सोरेन की सरकार नहीं कर पा रही है। लोग आज शुद्ध पेयजल के लिए त्राहिमाम कर रहे हैं। शुरुआत की गर्मी में ही बिजली और पानी की समस्या से लोगों की जान तक जा रही है।

उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि हाल में ही एक गर्भवती महिला की मौत बिजली नहीं होने के कारण डॉक्टर के द्वारा टॉर्च से ऑपरेशन किया गया जिससे गर्भवती महिला की मौत हो गई। वहीं उन्होंने स्वास्थ्य मंत्री पर भी निशाना चाहते हुए कहा कि झारखंड के बढ़बोले मंत्री सिर्फ अपनी बातों से सुर्खियों में रहते हैं जबकि उनका काम हकीकत में धरातल पर उतरता नहीं देख रहा।

अमर कुमार बाउरी ने चेतावनी देते हुए साफ तौर पर कहा कि यदि जल्द ही राज्य में बिजली और पानी की समस्या का निवारण राज्य सरकार नहीं करती है तो प्रदेश स्तर पर भारतीय जनता पार्टी पूरे राज्य में चरणबद्ध आंदोलन करेगी। वहीं सांकेतिक रूप से प्रदर्शन कर रही महिलाओं ने अपना विरोध करते हुए उपायुक्त के गाड़ी के समक्ष मटका फोड़ा।

मौके पर लोगों को संबोधित करते हुए डाल्टनगंज विधायक आलोक चौरसिया ने कहा कि पलामू जैसे शहर में बिजली और पानी न होने के कारण इसका असर न सिर्फ लोगों के आम जीवन पर पड़ रहा है बल्कि इसका सीधा असर छात्रों की पढ़ाई, स्वास्थ्य सेवा और अन्य कार्यों पर भी हो रहा है।

उन्होंने बताया कि पलामू के लगभग सभी क्षेत्र में लगे हुए चापाकल और नल खराब पड़े हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नल जल योजना पलामू सहित पूरे राज्य में ठप पड़ी हुई है। उन्होंने साफ तौर पर उपायुक्त के माध्यम से सरकार से मांग किया कि जल्द ही पलामू और पूरे राज्य में बिजली और पानी की समस्या को समाप्त करें अन्यथा जो आंदोलन आज उपायुक्त कार्यालय तक है अगली बार बृहद रूप से राज्य स्तर पर किया जाएगा।

प्रदेश महामंत्री मनोज कुमार सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि राज्य सरकार आम जनता के मूलभूत सुविधाओं से भी वंचित रखने का काम कर रही है। बिजली और पानी की समस्या से आम जनता त्राहिमाम है और इसका सीधा असर सबसे अधिक स्वास्थ्य सुविधाओं पर पड़ रहा है। आए दिन राज्य में बिजली न होने के कारण कई मरीजों की जान चली गयी। वहीं छात्रों पर भी सीधे तौर पर उनकी पढ़ाई पर हो रहा है।

सरकार को चेतावनी देते हुए उन्होंने साफ तौर पर कहा कि यदि जल्द ही सब समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो जिस तरह से बंगाल में आम जनता के विरोध का सामना तृणमूल कांग्रेस को करना पड़ा और उन्हें अपने सत्ता से हाथ धोना पड़ा, उसी तरह आने वाले चुनाव में भी झारखंड की जनता हेमंत सोरेन की निकम्मी सरकार को उखाड़ फेंकने का काम करेगी।

ऑपरेशन साइबर कवच के दृष्टिगत थाना तरबगंज की साइबर हेल्पडेस्क टीम द्वारा पीड़ित की फ्रॉड गयी 55,000/- रूपये कराए गए वापस

पैसे वापस मिलने पर पीड़ित के चेहरे पर लौटी मुस्कान, पीड़ित ने गोण्डा पुलिस को किया धन्यवाद
गोण्डा। जनपद में साइबर फ्रॉड अपराध की रोकथाम के संबंध में त्वरित कार्यवाही करने हेतु पुलिस अधीक्षक गोण्डा  विनीत जायसवाल द्वारा दिये गये निर्देशों के क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी  राधेश्याम राय के मार्गदर्शन में थाना तरबगंज की साइबर हेल्प डेस्क की टीम द्वारा पीड़ित की फ्रॉड गयी धनराशि को सम्बंधित बैंक/इंटीमेडरी से संपर्क स्थापित करते हुए धनराशि 55,000/- पीड़ित के खाते में वापस करायी गयी।

घटना का संक्षिप्त विवरण

आवेदक रवि शंकर शुक्ला पुत्र  धीरज शुक्ला निवासी ग्राम शीशौ पूरे डलई थाना तरबगंज जनपद गोण्डा द्वारा थाना तरबगंज की साइबर हेल्प डेस्क पर हुए साइबर फ्रॉड के संबंध में शिकायत दर्ज करायी गयी थी। उक्त प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए थाना तरबगंज की साइबर हेल्पडेस्क टीम द्वारा जनपदीय साइबर सेल टीम की सहयोग से कार्यवाही करते हुए संबंधित बैंक से ईमेल के माध्यम से विभिन्न जानकारियां एकत्रित कर नोडल अधिकारियों से समन्वय स्थापित कर तत्काल कार्यवाही करते हुए सम्बंधित बैंक/इंटीमेडरी से संपर्क स्थापित करते हुए पीड़ित के 55,000/- रू0 की धनराशि वापस करायी गयी। पीड़िता द्वारा अपने रूपये वापस पाकर प्रसन्नता जाहिर करते हुए थाना तरबगंज की साइबर हेल्पडेस्क की टीम को धन्यवाद दिया गया।

नोट- साइबर धोखाधड़ी होने पर तत्काल 1930 पर सूचना अंकित कराये, सूचना विलम्ब से देने पर साइबर अपराधियों द्वारा धन निकाल लिया जाता है। धन निकलने के उपरान्त पैसे वापस होने की सम्भावना बहुत कम होती है। लोगो को साइबर ठगों से सावधान रहने की जरुरत है। किसी भी अनजान फोन कॉल पर अपनी बैंक डिटेल, ओ0टी0पी0, बायोमैट्रिक डेटा, पैन कार्ड व आधार कार्ड की डिटेल किसी के साथ साझा न करें। फ्रॉड ट्रांजेक्सन होने पर तत्काल अपने बैंक एवं थाना पर गठित साइबर सेल को सूचना दें एवं साइबर हेल्पलाइन 1930 पर तत्काल शिकायत दर्ज कराएँ।

साइबर सुरक्षा टिप्स-
01. ऑनलाइन लेन-देन में सावधानी बरतें
02. किसी भी अनजान फोन कॉल पर अपनी बैंक डिटेल, ओटीपी, बायोमैट्रिक डेटा, पैन कार्ड व आधार कार्ड की डिटेल किसी के साथ साझा न करें।
03. सोशल मीडिया पर व्यक्तिगत जानकारी साझा न करें।
04. अनजान लिंक्स पर क्लिक न करें।
05. अपने डिवाइस को सुरक्षित रखें।
06. ऑनलाइन शॉपिंग में सुरक्षित वेबसाइट्स का उपयोग करें।
07. पासवर्ड को मजबूत और गुप्त रखें।
08. ऑनलाइन गतिविधियों पर निगरानी रखें।
09. साइबर बुलिंग और साइबर स्टॉकिंग के मामलों में तुरंत पुलिस को सूचित करें।
10. ऑनलाइन उत्पीड़न के मामलों में कंपनी प्रबंधन और पुलिस को सूचित करें।
हजारीबाग में “टेक सखी 2026” कार्यशाला आयोजित, छात्राओं को साइबर सुरक्षा और AI के सुरक्षित उपयोग की दी गई जानकारी

हजारीबाग: शहर के टाउन हॉल, हजारीबाग में छात्राओं एवं युवतियों के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता और साइबर सुरक्षा पर आधारित “टेक सखी 2026” कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम तरंग समूह की पहल पर “डिजिटल बेटी शक्ति महाअभियान” के अंतर्गत संपन्न हुआ।

कार्यक्रम में अनमास्क्ड साइबर सिक्योरिटी प्राइवेट लिमिटेड के विशेषज्ञों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए छात्राओं को साइबर सुरक्षा, डिजिटल साक्षरता तथा कृत्रिम बुद्धिमत्ता के सुरक्षित उपयोग से जुड़ी विस्तृत जानकारी दी। इस दौरान ऑनलाइन धोखाधड़ी, फिशिंग हमला, सोशल इंजीनियरिंग और डाटा चोरी जैसे साइबर अपराधों से बचने के व्यावहारिक उपायों को सरल तरीके से समझाया गया।

कार्यशाला में प्रतिभागियों को वास्तविक साइबर हमलों के उदाहरणों के माध्यम से इंटरनेट और सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग के बारे में जागरूक किया गया। विशेषज्ञ सौरव विश्वकर्मा ने बताया कि आज के समय में साइबर सुरक्षा केवल तकनीकी क्षेत्र तक सीमित नहीं है, बल्कि हर व्यक्ति के दैनिक जीवन का अहम हिस्सा बन चुकी है।

उन्होंने कहा कि महिलाओं और लड़कियों को डिजिटल रूप से सशक्त बनाना बेहद जरूरी है, क्योंकि जागरूकता ही साइबर अपराधों के खिलाफ सबसे मजबूत सुरक्षा कवच है।

कार्यक्रम के दौरान कृत्रिम बुद्धिमत्ता, साइबर सुरक्षा और डिजिटल साक्षरता से जुड़े कई सत्र आयोजित किए गए। सभी प्रतिभागियों को डिजिटल प्रमाणपत्र प्रदान किया गया, जबकि चयनित प्रतिभागियों को उपहार हैम्पर देकर सम्मानित किया गया।

आयोजकों ने इस पहल को समाज में डिजिटल सुरक्षा और तकनीकी जागरूकता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।

हजारीबाग में राणी सती मंदिर का 28वां स्थापना दिवस धूमधाम से शुरू, भक्ति और आस्था से गूंजा मंदिर परिसर

हजारीबाग: शहर के मालवीय मार्ग स्थित राणी सती मंदिर का 28वां स्थापना दिवस इस वर्ष भी भक्ति, उल्लास और पारंपरिक आस्था के साथ धूमधाम से मनाया जा रहा है। दो दिवसीय इस आयोजन के प्रथम दिन मंदिर परिसर “जय दादी” के जयकारों से पूरी तरह गुंजायमान रहा।

प्रथम दिन सुबह 9:00 बजे भव्य मंगल पाठ का शुभारंभ किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु, विशेषकर महिलाएं पारंपरिक राजस्थानी वेशभूषा में शामिल हुईं। मंदिर के प्रधान पुजारी शशिकांत मिश्रा ने विधिवत पूजा-अर्चना के बाद मंगल पाठ की शुरुआत कराई।

मंगल पाठ के दौरान इत्र उत्सव, जन्म उत्सव, हल्दी उत्सव, सिंदूर उत्सव और मेहंदी उत्सव जैसे कई धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया गया, जिससे पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। हर वर्ष की तरह इस बार भी स्थापना दिवस को ऐतिहासिक रूप देने का प्रयास किया गया।

इस अवसर पर धनबाद से पहुंचे सुप्रसिद्ध भजन गायक नीरज सांवरिया ने अपने मधुर भजनों के माध्यम से राणी सती दादी के जीवन के विभिन्न प्रसंगों को प्रस्तुत किया। “जय दादी री, तेरी महिमा सबसे न्यारी री…” जैसे भजनों पर श्रद्धालु भाव-विभोर होकर झूम उठे और पूरा मंदिर परिसर भक्ति रस में सराबोर हो गया।

मंगल पाठ के दौरान दादी के जन्मोत्सव पर ट्रॉफी वितरण किया गया, वहीं विदाई के समय सुहाग सामग्री श्रद्धालु महिलाओं के बीच बांटी गई। कार्यक्रम के अंत में भव्य आरती के बाद सभी श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद वितरण किया गया। मंदिर कमेटी की ओर से भजन गायक नीरज सांवरिया का स्वागत और अभिनंदन भी किया गया।

आयोजन को सफल बनाने में मंदिर कमेटी के सदस्यों और श्रद्धालुओं का विशेष योगदान रहा।

कार्यक्रम के दूसरे दिन गुरुवार को सुबह 5:00 बजे मंगला आरती के साथ अनुष्ठान की शुरुआत होगी। इसके बाद पाटा पूजन, दादी का अलौकिक श्रृंगार, भव्य दर्शन और प्रसाद वितरण का आयोजन किया जाएगा। संध्या बेला में 13 सुहागन महिलाओं द्वारा परंपरा के अनुसार भव्य महाआरती की जाएगी, जो इस आयोजन का मुख्य आकर्षण होगा।

मंदिर कमेटी के अध्यक्ष फतेहचंद मुनका ने कहा कि राणी सती दादी की कृपा से हर वर्ष यह आयोजन और अधिक भव्य होता जा रहा है। वहीं, सचिव रमेश टिबड़ेवाल ने बताया कि श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां की गई हैं और सभी से कार्यक्रम में शामिल होकर पुण्य लाभ लेने की अपील की गई है।

ARTO कार्यालय सुल्तानपुर का RTO अयोध्या द्वारा किया गया औचक निरीक्षण, स्कूल वाहन स्वामियों की बैठक कर प्रपत्र वैध कराने हेतु दिए कड़े निर्देश*
सुल्तानपुर,एआरटीओ कार्यालय सुल्तानपुर का अयोध्या आरटीओ प्रशासन द्वारा आज औचक निरीक्षण किया गया,तत्काल उसके कार्यालय में एक बैठक कि गई,जिसमें स्कूल प्रवंधन और स्कूल प्रबंधक,वाहन स्वामियों के साथ जिला विद्यालय निरीक्षक और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। आरटीओ प्रशासन अयोध्या द्वारा बताया गया कि शासन की मंशानुरूप एवं परिवहन आयुक्त उत्तर प्रदेश के निर्देशो के क्रम में स्कूल वाहनों के शत-प्रतिशत प्रपत्र एवं फिटनेस,पंजीयन,पीयूसी परमिट आदि सभी प्रपत्र वैध कराने के उद्देश्य से आरटीओ प्रशासन अयोध्या सुश्री ऋतु सिंह द्वारा सुल्तानपुर कार्यालय का आज औचक निरीक्षण किया गया। उसके बाद 50 स्कूल वाहनों के स्वामियों और स्कूल प्रबंधन के साथ बैठक की,जिसमें उत्तर प्रदेश मोटरयान नियमावली वह 28वां संशोधन नियमावली में दिए गए नियमों के विस्तार पूर्वक अवगत कराते हुए उपस्थित स्कूल प्रबंधकों को सभी प्रपत्र वैध करते हुए स्कूल परमिट हेतु तत्काल स्वयं आवेदन करने के सख्त निर्देश दिए गए और ऐसे वाहन जिनमें फिटनेस आदि वैध है तथा प्रदूषण प्रमाण पत्र आदि कमियां हैं,उन्हें 24 घंटे के अंदर निर्धारित प्रपत्र प्राप्त करते हुए स्कूलयान परमिट हेतु आवेदन करने की सख्त चेतावनी दी। बैठक में मौजूद एआरटीओ प्रशासन सुश्री अलका शुक्ला,एआरटीओ परिवर्तन श्री भूपेश गुप्ता,पीटीओ श्री शैलेंद्र तिवारी ने अवगत कराया कि बिना फिटनेस बिना परमिट वाली वाहनों को चालान और बंद किया जा रहा है और निलंबन अवधि पूरे होने के बावजूद प्रपत्र वैध न कराने वाले वाहनों के अभिलेखों का परीक्षण करके ब्लैक लिस्ट किया गया है,जहां 434 नोटिस भेजे गए हैं,और 174 वाहनों के पंजीयन निलंबन की कार्यवाही भी की गई है।
ग्लोबल स्कूल ऑफ गोविंदपुर में स्वास्थ्य जाँच शिविर और ‘समावेशी शिक्षा’ पर अभिभावक उन्मुखीकरण कार्यक्रम संपन्न

ग्लोबल स्कूल ऑफ गोविंदपुर में बुधवार को अभिभावक उन्मुखीकरण एवं स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ "जीवन" एनजीओ के संस्थापक श्री अनिल सिंह ने समावेशी शिक्षा विषय पर संबोधन किया। आसर्फी अस्पताल, धनबाद के सहयोग से विद्यालय परिसर में निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर भी लगाया गया।

ग्लोबल स्कूल ऑफ इंडिया के संचालक डॉ. एस. खालिद ने कार्यक्रम का उदेश्य बताया। उन्होंने अपने संबोधन में नियमित स्वास्थ्य जांच के महत्व तथा अभिभावक-विद्यालय के बीच बेहतर समन्वय पर जोर दिया।

विद्यालय की प्राचार्या चाँदनी त्रिगुनायत ने सभी अतिथियों, अभिभावकों एवं सहयोगी संस्थाओं के प्रति आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर विद्यालय की अध्यक्ष डॉ. निकहत परवीन भी उपस्थित थीं।

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में अभिभावकों व विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।कार्यक्रम का संचालन विद्यार्थियों द्वारा किया गया।

मीरा भायंदर महानगरपालिका के सभागृह नेता बने एड. रवि व्यास
भायंदर। भारतीय जनता पार्टी ने पूर्व जिलाध्यक्ष तथा मीरा भायंदर विधानसभा चुनाव के प्रमुख रहे एडवोकेट रवि व्यास को मीरा भायंदर महानगरपालिका में सभागृह नेता (Leader of house) की बड़ी जिम्मेदारी दी है। सभागृह नेता महानगरपालिका में सरकार का मुख्य चेहरा होता है, जो प्रशासनिक कार्यों को गति देने और पार्षदों की भूमिका को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए जिम्मेदार होता है। महानगरपालिका में सभागृह नेता सदन का संचालन और नीति निर्धारण करने के साथ-साथ सत्ता पक्ष का नेतृत्व करता है। पार्टी के सभी पार्षदों के बीच समन्वय और एकता बनाए रखने की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी का भी निर्वहन करता है। शहर के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लेता है। सदन में सत्ता पक्ष का नेतृत्व करता है। एड.रवि व्यास को सभागृह नेता बनाए जाने पर पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं में खुशी देखी जा रही है। मीरा भायंदर की आम जनता ने भी उन्हें सभागृह नेता बनाए जाने का स्वागत किया है। एड व्यास ने दी गई जिम्मेदारी के लिए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, भाजपा अध्यक्ष रविंद्र चव्हाण तथा विधायक नरेंद्र मेहता के प्रति आभार जताते हुए कहा कि वे दी गई जिम्मेदारी का निर्वहन पूरे मनोयोग और समर्पित भावना के साथ करेंगे।
ARTO प्रशासन सुल्तानपुर और RTO प्रशासन अयोध्या द्वारा स्कूल वाहनों स्वामियों के साथ बैठक कर प्रपत्र वैध कराने हेतु दिए कड़े निर्देश*
जनपद सुल्तानपुर में आरटीओ प्रशासन अयोध्या औचक निरीक्षण निरीक्षक करने पहुंचे। स्कूल वाहनों पर सख्ती* *पत्र वैध कराने के निर्देश, नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई की चेतावनी* सुल्तानपुर, सुल्तानपुर में सड़क सुरक्षा को लेकर प्रशासन सख्त नजर आ रहा है। इसी क्रम में एआरटीओ (प्रशासन) द्वारा मंगलवार को औचक निरीक्षण अभियान चलाया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में स्कूल वाहनों की जांच की गई और वाहन स्वामियों व संचालकों के साथ बैठक कर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए। निरीक्षण में करीब 50 से अधिक स्कूल वाहनों की जांच की गई, जिसमें कई वाहनों में फिटनेस, परमिट, बीमा सहित जरूरी दस्तावेजों की कमी पाई गई। अधिकारियों ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी स्कूल वाहन संचालक 24 घंटे के भीतर अपने वाहनों के दस्तावेज दुरुस्त कराएं, अन्यथा कड़ी कार्रवाई की जाएगी। नियमों का पालन न करने पर होगी सख्त कार्रवाई बैठक के दौरान एआरटीओ ने बताया कि बिना फिटनेस और वैध परमिट के चलने वाले वाहनों को तुरंत बंद किया जाएगा। साथ ही ऐसे वाहनों के खिलाफ चालान और अन्य दंडात्मक कार्रवाई भी की जाएगी। स्कूल प्रबंधन को भी चेतावनी प्रशासन ने स्कूल प्रबंधन को भी चेतावनी दी है कि वे केवल मानक के अनुरूप वाहनों का ही उपयोग करें। बच्चों की सुरक्षा से कोई समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सुरक्षा मानकों पर विशेष जोर निरीक्षण के दौरान निम्न बिंदुओं पर विशेष ध्यान दिया गया— वाहनों में फर्स्ट एड बॉक्स की उपलब्धता अग्निशमन यंत्र (फायर एक्सटिंग्विशर) सीटों की उचित व्यवस्था महिला परिचालक की नियुक्ति ड्राइवर का वैध लाइसेंस जिले में बड़ी संख्या में अपूर्ण दस्तावेज अधिकारियों ने बताया कि जिले में अभी भी बड़ी संख्या में स्कूल वाहन ऐसे हैं जिनके दस्तावेज अधूरे हैं। इस पर नाराजगी जताते हुए एआरटीओ ने सभी संबंधितों को निर्देशित किया कि वे जल्द से जल्द नियमों का पालन सुनिश्चित करें। जागरूकता अभियान भी चलाया जाएगा प्रशासन द्वारा यह भी बताया गया कि आने वाले दिनों में स्कूल वाहन संचालकों के लिए जागरूकता अभियान चलाया जाएगा, ताकि वे नियमों की पूरी जानकारी लेकर उनका पालन कर सकें। : सुल्तमें बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए प्रशासन पूरी तरह सख्त हो गया है। नियमों की अनदेखी करने वाले वाहन मालिकों के खिलाफ अब किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बीसी सखी कार्यक्रम से बदल रही यूपी की ग्रामीण तस्वीर, महिलाओं को मिला आत्मनिर्भरता का नया आधार
“एक ग्राम पंचायत–एक बीसी सखी” मॉडल से गांव-गांव पहुंचीं बैंकिंग सेवाएं, 44 हजार करोड़ से अधिक लेन-देन

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में ग्रामीण विकास और महिला सशक्तिकरण की दिशा में “बीसी सखी कार्यक्रम” एक प्रभावशाली पहल के रूप में उभरकर सामने आया है। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के नेतृत्व में संचालित यह योजना गांव-गांव तक बैंकिंग सेवाएं पहुंचाने के साथ महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बना रही है।
उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत चल रहे इस कार्यक्रम का उद्देश्य स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को प्रशिक्षित कर उन्हें बैंकिंग प्रतिनिधि (बीसी सखी) के रूप में स्थापित करना है। “एक ग्राम पंचायत–एक बीसी सखी” के सिद्धांत पर आधारित यह योजना लाखों ग्रामीण परिवारों के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही है।
वर्तमान में प्रदेश में लगभग 40 हजार बीसी सखियां सक्रिय हैं, जो गांव-गांव जाकर बैंकिंग सेवाएं प्रदान कर रही हैं। इनके माध्यम से अब तक 44 हजार करोड़ रुपये से अधिक का वित्तीय लेन-देन किया जा चुका है। ये सखियां नकद जमा-निकासी, आधार आधारित भुगतान (AePS), बैलेंस जांच, बीमा, पेंशन और ऋण पुनर्भुगतान जैसी सेवाएं उपलब्ध करा रही हैं।
यह कार्यक्रम न केवल वित्तीय समावेशन को बढ़ावा दे रहा है, बल्कि महिलाओं को डिजिटल और आर्थिक रूप से भी सशक्त बना रहा है। सुल्तानपुर की प्रियंका मौर्य और लखनऊ की अनीता पाल जैसी बीसी सखियां प्रतिमाह औसतन 45 हजार रुपये से अधिक का कमीशन अर्जित कर रही हैं। अब तक बीसी सखियों द्वारा 121 करोड़ रुपये से अधिक का कमीशन अर्जित किया जा चुका है।
कार्यक्रम में भारतीय स्टेट बैंक और बैंक ऑफ बड़ौदा सहित कई सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक साझेदार के रूप में जुड़े हैं, जिनके सहयोग से ग्रामीण क्षेत्रों में बैंकिंग सेवाओं का विस्तार हो रहा है। बीसी सखियों को माइक्रो एटीएम, लैपटॉप और स्मार्टफोन जैसे डिजिटल उपकरणों से भी सशक्त किया जा रहा है।
सरकार इस योजना के दायरे को और बढ़ाने की दिशा में काम कर रही है। बीसी सखियों को जन सेवा केंद्र संचालन, बीमा सेवाएं, आरडी खाता खोलना, ऋण वितरण और डाकघर योजनाओं से जोड़ने की तैयारी है। भविष्य में उन्हें आधार अपडेट जैसी सेवाओं से भी जोड़ा जा सकता है।
जनपद स्तर पर भी इस योजना के प्रभावी क्रियान्वयन में प्रतिस्पर्धा देखने को मिल रही है। वर्तमान में प्रयागराज पहले स्थान पर है, जबकि बरेली और शाहजहांपुर क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर हैं।
मिशन निदेशक दीपा रंजन के अनुसार, लक्ष्य है कि जल्द ही सभी ग्राम पंचायतों में बीसी सखी की नियुक्ति सुनिश्चित की जाए, ताकि “आत्मनिर्भर ग्रामीण महिला–आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश” के संकल्प को साकार किया जा सके। यह योजना न केवल महिलाओं को सम्मानजनक आजीविका दे रही है, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती प्रदान कर रही है।
देवघर-महान रोटेरियन स्व. अभय श्रॉफ को संगीत समारोह में भावभीनी श्रद्धांजलि।
देवघर: के शिल्पग्राम ऑडिटोरियम में संस्कृती वाटिका एवं रोटरी क्लब ऑफ देवघर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित “गुरु असित मुखर्जी मेमोरियल सिंगिंग ग्रैंड फिनाले सीजन-2” के दौरान महान समाजसेवी एवं रोटरी क्लब ऑफ देवघर के स्तंभ स्वर्गीय रोटेरियन अभय श्रॉफ को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। यह भव्य संगीत समारोह केवल प्रतिभाओं का मंच नहीं बना, बल्कि देवघर की एक महान विभूति को याद करने और उनके अतुलनीय योगदान को नमन करने का भावुक अवसर भी बना। कार्यक्रम में उपस्थित रोटेरियंस, समाजसेवियों, कलाकारों एवं नागरिकों ने स्व. अभय श्रॉफ को याद करते हुए उन्हें सेवा, समर्पण और मानवता का प्रतीक बताया। कार्यक्रम के दौरान संस्कृती वाटिका, देवघर के निदेशक बिस्वजीत दास ने अत्यंत भावुक अंदाज में प्रसिद्ध गीत “ना चिट्ठी ना संदेश” प्रस्तुत किया। गीत की मार्मिक प्रस्तुति ने पूरे सभागार को भावुक कर दिया और उपस्थित लोगों की आंखें नम हो गईं। इसके उपरांत सभी लोगों ने खड़े होकर एक मिनट का मौन रख स्व. रोटेरियन अभय श्रॉफ को श्रद्धांजलि अर्पित की। पूरा वातावरण श्रद्धा, सम्मान और भावनाओं से भर गया। इस अवसर पर रोटरी परिवार की ओर से चार्टर प्रेसिडेंट रोटेरियन गोविंद प्रसाद डालमिया, रोटेरियन डॉ. सुनील कुमार सिन्हा, रोटेरियन विजय मुंद्रा, रोटेरियन सुरेंद्र सिंघानिया, रोटेरियन डॉ. संजय भगत, रोटेरियन आनंद साह, रोटेरियन प्रमोद चौचरिया, क्लब सचिव रोटेरियन नितेश बठवाल, एवं वर्तमान अध्यक्ष रोटेरियन पीयूष जायसवाल विशेष रूप से उपस्थित रहे। रोटेरियन पीयूष जायसवाल ने श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि “स्व. रोटेरियन अभय श्रॉफ केवल एक व्यक्ति नहीं, बल्कि रोटरी क्लब ऑफ देवघर की आत्मा थे। उनका जीवन सेवा, समर्पण, अनुशासन और मानवता का जीवंत उदाहरण था। उन्होंने जिस निष्ठा और प्रेम से रोटरी को आगे बढ़ाया, वह आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव प्रेरणा का स्रोत रहेगा। देवघर समाज और रोटरी परिवार उनके योगदान को कभी नहीं भूल पाएगा।” 15 सितंबर 1946 को देवघर में जन्मे स्व. अभय श्रॉफ ने अपना पूरा जीवन देवघर और यहां की जनता की सेवा में समर्पित कर दिया। वे वर्ष 1981 में रोटरी क्लब ऑफ देवघर के संस्थापक सदस्यों में से एक थे और लगातार 44 वर्षों तक रोटरी से जुड़े रहे। इस दौरान उन्होंने दो बार क्लब अध्यक्ष के रूप में नेतृत्व किया और रोटरी के विभिन्न सामाजिक कार्यों को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। विशेष रूप से वार्षिक रोटरी मेले के सफल आयोजन में उनका योगदान अविस्मरणीय रहा। कई अवसरों पर उन्होंने अकेले अपने नेतृत्व और मेहनत से पूरे आयोजन को सफल बनाया। उनके व्यक्तित्व में सरलता, विनम्रता, प्रेम और सेवा भावना का अद्भुत संगम था। वे किसी के प्रति दुर्भावना नहीं रखते थे और सदैव समाजहित में कार्य करते रहे। वे एक सफल व्यवसायी होने के साथ-साथ पुस्तकों, ज्ञान और अध्यात्म के प्रति गहरी रुचि रखते थे। उनके घर की निजी लाइब्रेरी उनकी अध्ययनशील प्रवृत्ति का प्रमाण थी। वे एक प्रभावशाली वक्ता भी थे, जिनकी वाणी में स्पष्टता, संवेदनशीलता और प्रेरणा झलकती थी। स्व. अभय श्रॉफ को बागवानी से विशेष प्रेम था। देवघर में आयोजित वार्षिक पुष्प प्रदर्शनी में वे लगातार कई पुरस्कार जीतते रहे। उनका जीवन सेवा, संस्कार और समाज के प्रति समर्पण की मिसाल था। कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों ने कहा कि स्व. अभय श्रॉफ केवल एक रोटेरियन नहीं, बल्कि अपने आप में एक संस्था थे, जिनकी प्रेरणा आने वाली पीढ़ियों को सदैव मार्गदर्शन देती रहेगी। इस अवसर पर आयोजित “गुरु असित मुखर्जी मेमोरियल सिंगिंग ग्रैंड फिनाले 2026” भी अत्यंत भव्य एवं सफल रहा। झारखंड, बिहार एवं पश्चिम बंगाल से 1200 से अधिक प्रतिभागियों ने ऑडिशन दिया था, जिनमें से चयनित जूनियर एवं सीनियर वर्ग के प्रतिभागियों ने फाइनल में शानदार प्रस्तुति दी। संस्कृती वाटिका के मुख्य स्तंभ बिस्वजीत दास (सहायक प्राध्यापक, DIPSER कॉलेज) एवं तृषा दास (नृत्य शिक्षिका, देवसंग स्कूल) को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। पिछले 15 वर्षों से दोनों संगीत एवं वाद्ययंत्र की शिक्षा देकर देवघर की प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने का कार्य कर रहे हैं। कार्यक्रम में अनाथालय के बच्चों की प्रस्तुति ने सभी को भावुक कर दिया। वहीं इंडियन आइडल सीजन-2 के फाइनलिस्ट एवं प्रसिद्ध गायक आद्रिज घोष मुख्य निर्णायक के रूप में उपस्थित रहे और प्रतिभागियों की सराहना की। *प्रतियोगिता के विजेता इस प्रकार रहे:* जूनियर वर्ग: प्रथम – Md. Rehan Shaikh द्वितीय – Shreayanshu Karmakar तृतीय – Kanishk Kr. Suman सीनियर वर्ग: प्रथम – Nitin Kumar द्वितीय – Shashwat तृतीय – Shobhit Sharma विशेष पुरस्कार: Best Performer – Md. Rehan Shaikh Sri Sushil Kumar Das Memorial Award – Chandan Kumar पूरा कार्यक्रम स्व. अभय श्रॉफ की यादों, उनके आदर्शों और समाज सेवा के प्रति उनके समर्पण को समर्पित रहा। ईश्वर उनकी पुण्य आत्मा को शांति प्रदान करें।
पलामू में भाजपा का महासंग्राम: मटका फोड़ प्रदर्शन कर घेरा DC दफ्तर, अमर बाउरी बोले- "खून चूस रही है हेमंत सरकार"

पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत बुधवार को पलामू में भारतीय जनता पार्टी की तरफ से बिजली और पानी को लेकर लगातार हो रही समस्याओं के खिलाफ विशाल प्रदर्शन उपायुक्त कार्यालय के समक्ष किया गया। प्रदर्शन की शुरुआत काली मंदिर रेडमा चौक से की गई, जहां से सैकड़ो की संख्या में पुरुष एवं महिलाओं ने सांकेतिक रूप से मटका और हाथों में तख्तियां लेकर उपायुक्त कार्यालय तक पैदल मार्च किया। इस दौरान राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी में की गई।

कार्यक्रम में मुख्य रूप से झारखंड के पूर्व नेता प्रतिपक्ष एवं भारतीय जनता पार्टी झारखंड प्रदेश के महामंत्री अमर कुमार बाउरी, प्रदेश महामंत्री मनोज कुमार सिंह, डाल्टनगंज विधायक आलोक चौरसिया, पूर्व विधायक पुष्पा देवी, पूर्व सांसद मनोज कुमार भुइँया, जिला अध्यक्ष अमित तिवारी, भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष प्रभात भुइंया सहित सैकड़ो कार्यकर्ता सम्मिलित हुए।

मौके पर लोगों को संबोधित करते हुए पूर्व नेता प्रतिपक्ष एवं भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश महामंत्री अमर कुमार बाउरी ने कहा कि हेमंत सोरेन की सरकार गरीब जनता का न सिर्फ पानी बल्कि उनका खून भी चूस रही है। जिस तरह से पूरे राज्य में 80000 से भी अधिक चापानल छोटी-छोटी खराबियों के कारण बंद पड़े हैं, उसे ठीक करवाने या उसे बदलवाने का कार्य राज्य की हेमंत सोरेन की सरकार नहीं कर पा रही है। लोग आज शुद्ध पेयजल के लिए त्राहिमाम कर रहे हैं। शुरुआत की गर्मी में ही बिजली और पानी की समस्या से लोगों की जान तक जा रही है।

उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि हाल में ही एक गर्भवती महिला की मौत बिजली नहीं होने के कारण डॉक्टर के द्वारा टॉर्च से ऑपरेशन किया गया जिससे गर्भवती महिला की मौत हो गई। वहीं उन्होंने स्वास्थ्य मंत्री पर भी निशाना चाहते हुए कहा कि झारखंड के बढ़बोले मंत्री सिर्फ अपनी बातों से सुर्खियों में रहते हैं जबकि उनका काम हकीकत में धरातल पर उतरता नहीं देख रहा।

अमर कुमार बाउरी ने चेतावनी देते हुए साफ तौर पर कहा कि यदि जल्द ही राज्य में बिजली और पानी की समस्या का निवारण राज्य सरकार नहीं करती है तो प्रदेश स्तर पर भारतीय जनता पार्टी पूरे राज्य में चरणबद्ध आंदोलन करेगी। वहीं सांकेतिक रूप से प्रदर्शन कर रही महिलाओं ने अपना विरोध करते हुए उपायुक्त के गाड़ी के समक्ष मटका फोड़ा।

मौके पर लोगों को संबोधित करते हुए डाल्टनगंज विधायक आलोक चौरसिया ने कहा कि पलामू जैसे शहर में बिजली और पानी न होने के कारण इसका असर न सिर्फ लोगों के आम जीवन पर पड़ रहा है बल्कि इसका सीधा असर छात्रों की पढ़ाई, स्वास्थ्य सेवा और अन्य कार्यों पर भी हो रहा है।

उन्होंने बताया कि पलामू के लगभग सभी क्षेत्र में लगे हुए चापाकल और नल खराब पड़े हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नल जल योजना पलामू सहित पूरे राज्य में ठप पड़ी हुई है। उन्होंने साफ तौर पर उपायुक्त के माध्यम से सरकार से मांग किया कि जल्द ही पलामू और पूरे राज्य में बिजली और पानी की समस्या को समाप्त करें अन्यथा जो आंदोलन आज उपायुक्त कार्यालय तक है अगली बार बृहद रूप से राज्य स्तर पर किया जाएगा।

प्रदेश महामंत्री मनोज कुमार सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि राज्य सरकार आम जनता के मूलभूत सुविधाओं से भी वंचित रखने का काम कर रही है। बिजली और पानी की समस्या से आम जनता त्राहिमाम है और इसका सीधा असर सबसे अधिक स्वास्थ्य सुविधाओं पर पड़ रहा है। आए दिन राज्य में बिजली न होने के कारण कई मरीजों की जान चली गयी। वहीं छात्रों पर भी सीधे तौर पर उनकी पढ़ाई पर हो रहा है।

सरकार को चेतावनी देते हुए उन्होंने साफ तौर पर कहा कि यदि जल्द ही सब समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो जिस तरह से बंगाल में आम जनता के विरोध का सामना तृणमूल कांग्रेस को करना पड़ा और उन्हें अपने सत्ता से हाथ धोना पड़ा, उसी तरह आने वाले चुनाव में भी झारखंड की जनता हेमंत सोरेन की निकम्मी सरकार को उखाड़ फेंकने का काम करेगी।

ऑपरेशन साइबर कवच के दृष्टिगत थाना तरबगंज की साइबर हेल्पडेस्क टीम द्वारा पीड़ित की फ्रॉड गयी 55,000/- रूपये कराए गए वापस

पैसे वापस मिलने पर पीड़ित के चेहरे पर लौटी मुस्कान, पीड़ित ने गोण्डा पुलिस को किया धन्यवाद
गोण्डा। जनपद में साइबर फ्रॉड अपराध की रोकथाम के संबंध में त्वरित कार्यवाही करने हेतु पुलिस अधीक्षक गोण्डा  विनीत जायसवाल द्वारा दिये गये निर्देशों के क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी  राधेश्याम राय के मार्गदर्शन में थाना तरबगंज की साइबर हेल्प डेस्क की टीम द्वारा पीड़ित की फ्रॉड गयी धनराशि को सम्बंधित बैंक/इंटीमेडरी से संपर्क स्थापित करते हुए धनराशि 55,000/- पीड़ित के खाते में वापस करायी गयी।

घटना का संक्षिप्त विवरण

आवेदक रवि शंकर शुक्ला पुत्र  धीरज शुक्ला निवासी ग्राम शीशौ पूरे डलई थाना तरबगंज जनपद गोण्डा द्वारा थाना तरबगंज की साइबर हेल्प डेस्क पर हुए साइबर फ्रॉड के संबंध में शिकायत दर्ज करायी गयी थी। उक्त प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए थाना तरबगंज की साइबर हेल्पडेस्क टीम द्वारा जनपदीय साइबर सेल टीम की सहयोग से कार्यवाही करते हुए संबंधित बैंक से ईमेल के माध्यम से विभिन्न जानकारियां एकत्रित कर नोडल अधिकारियों से समन्वय स्थापित कर तत्काल कार्यवाही करते हुए सम्बंधित बैंक/इंटीमेडरी से संपर्क स्थापित करते हुए पीड़ित के 55,000/- रू0 की धनराशि वापस करायी गयी। पीड़िता द्वारा अपने रूपये वापस पाकर प्रसन्नता जाहिर करते हुए थाना तरबगंज की साइबर हेल्पडेस्क की टीम को धन्यवाद दिया गया।

नोट- साइबर धोखाधड़ी होने पर तत्काल 1930 पर सूचना अंकित कराये, सूचना विलम्ब से देने पर साइबर अपराधियों द्वारा धन निकाल लिया जाता है। धन निकलने के उपरान्त पैसे वापस होने की सम्भावना बहुत कम होती है। लोगो को साइबर ठगों से सावधान रहने की जरुरत है। किसी भी अनजान फोन कॉल पर अपनी बैंक डिटेल, ओ0टी0पी0, बायोमैट्रिक डेटा, पैन कार्ड व आधार कार्ड की डिटेल किसी के साथ साझा न करें। फ्रॉड ट्रांजेक्सन होने पर तत्काल अपने बैंक एवं थाना पर गठित साइबर सेल को सूचना दें एवं साइबर हेल्पलाइन 1930 पर तत्काल शिकायत दर्ज कराएँ।

साइबर सुरक्षा टिप्स-
01. ऑनलाइन लेन-देन में सावधानी बरतें
02. किसी भी अनजान फोन कॉल पर अपनी बैंक डिटेल, ओटीपी, बायोमैट्रिक डेटा, पैन कार्ड व आधार कार्ड की डिटेल किसी के साथ साझा न करें।
03. सोशल मीडिया पर व्यक्तिगत जानकारी साझा न करें।
04. अनजान लिंक्स पर क्लिक न करें।
05. अपने डिवाइस को सुरक्षित रखें।
06. ऑनलाइन शॉपिंग में सुरक्षित वेबसाइट्स का उपयोग करें।
07. पासवर्ड को मजबूत और गुप्त रखें।
08. ऑनलाइन गतिविधियों पर निगरानी रखें।
09. साइबर बुलिंग और साइबर स्टॉकिंग के मामलों में तुरंत पुलिस को सूचित करें।
10. ऑनलाइन उत्पीड़न के मामलों में कंपनी प्रबंधन और पुलिस को सूचित करें।
हजारीबाग में “टेक सखी 2026” कार्यशाला आयोजित, छात्राओं को साइबर सुरक्षा और AI के सुरक्षित उपयोग की दी गई जानकारी

हजारीबाग: शहर के टाउन हॉल, हजारीबाग में छात्राओं एवं युवतियों के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता और साइबर सुरक्षा पर आधारित “टेक सखी 2026” कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम तरंग समूह की पहल पर “डिजिटल बेटी शक्ति महाअभियान” के अंतर्गत संपन्न हुआ।

कार्यक्रम में अनमास्क्ड साइबर सिक्योरिटी प्राइवेट लिमिटेड के विशेषज्ञों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए छात्राओं को साइबर सुरक्षा, डिजिटल साक्षरता तथा कृत्रिम बुद्धिमत्ता के सुरक्षित उपयोग से जुड़ी विस्तृत जानकारी दी। इस दौरान ऑनलाइन धोखाधड़ी, फिशिंग हमला, सोशल इंजीनियरिंग और डाटा चोरी जैसे साइबर अपराधों से बचने के व्यावहारिक उपायों को सरल तरीके से समझाया गया।

कार्यशाला में प्रतिभागियों को वास्तविक साइबर हमलों के उदाहरणों के माध्यम से इंटरनेट और सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग के बारे में जागरूक किया गया। विशेषज्ञ सौरव विश्वकर्मा ने बताया कि आज के समय में साइबर सुरक्षा केवल तकनीकी क्षेत्र तक सीमित नहीं है, बल्कि हर व्यक्ति के दैनिक जीवन का अहम हिस्सा बन चुकी है।

उन्होंने कहा कि महिलाओं और लड़कियों को डिजिटल रूप से सशक्त बनाना बेहद जरूरी है, क्योंकि जागरूकता ही साइबर अपराधों के खिलाफ सबसे मजबूत सुरक्षा कवच है।

कार्यक्रम के दौरान कृत्रिम बुद्धिमत्ता, साइबर सुरक्षा और डिजिटल साक्षरता से जुड़े कई सत्र आयोजित किए गए। सभी प्रतिभागियों को डिजिटल प्रमाणपत्र प्रदान किया गया, जबकि चयनित प्रतिभागियों को उपहार हैम्पर देकर सम्मानित किया गया।

आयोजकों ने इस पहल को समाज में डिजिटल सुरक्षा और तकनीकी जागरूकता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।

हजारीबाग में राणी सती मंदिर का 28वां स्थापना दिवस धूमधाम से शुरू, भक्ति और आस्था से गूंजा मंदिर परिसर

हजारीबाग: शहर के मालवीय मार्ग स्थित राणी सती मंदिर का 28वां स्थापना दिवस इस वर्ष भी भक्ति, उल्लास और पारंपरिक आस्था के साथ धूमधाम से मनाया जा रहा है। दो दिवसीय इस आयोजन के प्रथम दिन मंदिर परिसर “जय दादी” के जयकारों से पूरी तरह गुंजायमान रहा।

प्रथम दिन सुबह 9:00 बजे भव्य मंगल पाठ का शुभारंभ किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु, विशेषकर महिलाएं पारंपरिक राजस्थानी वेशभूषा में शामिल हुईं। मंदिर के प्रधान पुजारी शशिकांत मिश्रा ने विधिवत पूजा-अर्चना के बाद मंगल पाठ की शुरुआत कराई।

मंगल पाठ के दौरान इत्र उत्सव, जन्म उत्सव, हल्दी उत्सव, सिंदूर उत्सव और मेहंदी उत्सव जैसे कई धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया गया, जिससे पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। हर वर्ष की तरह इस बार भी स्थापना दिवस को ऐतिहासिक रूप देने का प्रयास किया गया।

इस अवसर पर धनबाद से पहुंचे सुप्रसिद्ध भजन गायक नीरज सांवरिया ने अपने मधुर भजनों के माध्यम से राणी सती दादी के जीवन के विभिन्न प्रसंगों को प्रस्तुत किया। “जय दादी री, तेरी महिमा सबसे न्यारी री…” जैसे भजनों पर श्रद्धालु भाव-विभोर होकर झूम उठे और पूरा मंदिर परिसर भक्ति रस में सराबोर हो गया।

मंगल पाठ के दौरान दादी के जन्मोत्सव पर ट्रॉफी वितरण किया गया, वहीं विदाई के समय सुहाग सामग्री श्रद्धालु महिलाओं के बीच बांटी गई। कार्यक्रम के अंत में भव्य आरती के बाद सभी श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद वितरण किया गया। मंदिर कमेटी की ओर से भजन गायक नीरज सांवरिया का स्वागत और अभिनंदन भी किया गया।

आयोजन को सफल बनाने में मंदिर कमेटी के सदस्यों और श्रद्धालुओं का विशेष योगदान रहा।

कार्यक्रम के दूसरे दिन गुरुवार को सुबह 5:00 बजे मंगला आरती के साथ अनुष्ठान की शुरुआत होगी। इसके बाद पाटा पूजन, दादी का अलौकिक श्रृंगार, भव्य दर्शन और प्रसाद वितरण का आयोजन किया जाएगा। संध्या बेला में 13 सुहागन महिलाओं द्वारा परंपरा के अनुसार भव्य महाआरती की जाएगी, जो इस आयोजन का मुख्य आकर्षण होगा।

मंदिर कमेटी के अध्यक्ष फतेहचंद मुनका ने कहा कि राणी सती दादी की कृपा से हर वर्ष यह आयोजन और अधिक भव्य होता जा रहा है। वहीं, सचिव रमेश टिबड़ेवाल ने बताया कि श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां की गई हैं और सभी से कार्यक्रम में शामिल होकर पुण्य लाभ लेने की अपील की गई है।