स्ट्रॉबेरी की खेती से आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ते "दिनेश गंझू" के कदम

हजारीबाग जिले के कटकमदाग प्रखंड अंतर्गत मयातु गांव के निवासी कृषक दिनेश गंझू ने अपनी मेहनत और नवाचार से सफलता की एक प्रेरणादायक मिसाल पेश की है। सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने आधुनिक तकनीक को अपनाते हुए एक एकड़ भूमि पर स्ट्रॉबेरी की खेती शुरू कर आत्मनिर्भरता की दिशा में मजबूत कदम बढ़ाया है।

दिनेश गंझू ने जिला उद्यान विभाग, हजारीबाग के सहयोग से स्ट्रॉबेरी खेती हेतु ग्रीन हाउस एवं पौधों के लिए आवेदन किया था। विभाग द्वारा उनके आवेदन को स्वीकृति प्रदान करते हुए एक ग्रीन हाउस एवं लगभग 20,000 स्ट्रॉबेरी पौधे उपलब्ध कराए गए। इस सहयोग ने उनकी कृषि यात्रा को नई दिशा दी।

ग्रीन हाउस में दिन-रात मेहनत कर उन्होंने इस मौसम में स्ट्रॉबेरी की बंपर पैदावार हासिल की। वर्तमान में वे प्रतिदिन लगभग 1000 पैकेट स्ट्रॉबेरी तैयार कर बाजार में भेज रहे हैं, जिससे उन्हें प्रतिदिन करीब ₹20,000 की आमदनी हो रही है। बाजार में स्ट्रॉबेरी की बढ़ती मांग का उन्हें पूरा लाभ मिल रहा है।

दिनेश गंझू यहीं नहीं रुके हैं। वे हर मौसम में नई-नई किस्मों के फलों की खेती कर अपने कृषि व्यवसाय को और विस्तार देने की योजना पर भी कार्य कर रहे हैं। उनकी सोच और प्रयास उन्हें एक प्रगतिशील किसान के रूप में स्थापित कर रहे हैं।

अपनी इस सफलता का श्रेय वे झारखंड सरकार की योजनाओं और उद्यान विभाग के सहयोग को देते हैं। उनका कहना है कि यदि सही मार्गदर्शन और संसाधन मिलें, तो किसान खेती को लाभकारी व्यवसाय बना सकते हैं।

दिनेश गंझू की यह सफलता कहानी न केवल अन्य किसानों के लिए प्रेरणा है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाकर ग्रामीण क्षेत्र में भी समृद्धि का मार्ग प्रशस्त किया जा सकता है।

उपविकास आयुक्त ने पशुपालन, भूमि संरक्षण एवं उद्यान विभाग की समीक्षा की

हजारीबाग : उपायुक्त श्री शशि प्रकाश सिंह के निर्देशानुसार उपविकास आयुक्त श्रीमती रिया सिंह ने गुरुवार को समाहरणालय सभागार में पशुपालन, भूमि संरक्षण ,उद्यान विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में उपविकास आयुक्त ने विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की, जिनमें बत्तख, कुक्कुट, गाय वितरण, डीबीटी डेयरी, पशुधन विकास, कृत्रिम गर्भाधान, टीकाकरण, उद्यान विकास, अर्बन फार्मिंग एवं पीएम कुसुम, तालाब निर्माण, परकुलेशन टैंक, पंप सेट योजना की विस्तृत समीक्षा की। उपविकास आयुक्त ने पशुपालन एवं गव्य विकास पदाधिकारी को बत्तख, कुक्कुट, गाय का वितरण शत प्रतिशत करने और डीबीटी को फोकस करने का निर्देश दिया। संबधित पदाधिकारियों को मिट्टी टेस्टिंग के संबंध में भी आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए। साथ ही सभी कृषि आधारित संबंध विभागों को नियमित रूप से बैठक करने का निर्देश दिया। राष्ट्रीय पशु रोग नियंत्रण कार्यक्रम के तहत शत प्रतिशत टीकाकरण कराने एवं राष्ट्रीय कृत्रिम गर्भाधान कार्यक्रम का प्रभावी क्रियान्वयन के संबंध में भी आवश्यक निर्देश भी दिए गए। बैठक में उपायुक्त के अलावे उपविकास आयुक्त, पशुपालन पदाधिकारी, गव्य विकास पदाधिकारी,, उद्यान पदाधिकारी सहित कई अन्य पदाधिकारी, एटीएम, बीटीएम एवं अन्य कर्मी उपस्थित रहे।

डीडीसी ने ग्रामीण विकास विभाग की योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की

उपायुक्त शशि प्रकाश सिंह के निर्देशानुसार गुरुवार को समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में उप विकास आयुक्त श्रीमती रिया सिंह की अध्यक्षता में ग्रामीण विकास विभाग के अंतर्गत संचालित विभिन्न योजनाओं की प्रगति को लेकर समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में मनरेगा के तहत संचालित योजनाएं, प्रधानमंत्री आवास योजना, बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर आवास योजना, अबुआ आवास योजना, बिरसा कूप संवर्धन योजना, डोभा निर्माण, आंगनबाड़ी योजना, बिरसा हरित ग्राम योजना, बागवानी योजना, पोटो हो खेल विकास योजना, पीडी जेनरेशन, जियो-टैगिंग, पीएम जनमन योजना, पंचायती राज, एबीपीएस, जेएसएलपीएस अंतर्गत क्रेडिट लिंकेज, मुद्रा लोन, लाइवस्टॉक, प्रोड्यूसर ग्रुप, डीडीयू-जीकेवाई, पीएमएफएमई सहित अन्य योजनाओं की विस्तारपूर्वक समीक्षा की गई।

उप विकास आयुक्त ने सभी संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि पुरानी एवं ऑनगोइंग योजनाओं को समयबद्ध रूप से पूर्ण किया जाए। उन्होंने एफटीओ एवं पीडी जेनरेशन में प्रगति करने, 100 दिवसीय कार्य उपलब्ध कराने तथा ऑडिट रिपोर्ट शीघ्र भेजने का निर्देश दिया। जीरो एक्सपेंडिचर को बंद करने एवं अन्य एक्सपेंडिचर संबंधी कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने का निर्देश दिया। साथ ही प्रखंडों में आंगनबाड़ी केंद्रों के भवन निर्माण कार्य को शीघ्र पूर्ण करने का निर्देश दिया गया। बढ़ते गर्मी को देखते हुए वाटर कंजर्वेशन से संबंधित योजनाओं में प्रगति करने का निर्देश दिया।

उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के अंतर्गत लंबित पुराने आवासों को शीघ्र पूर्ण कराने तथा पूर्ण योजनाओं की जियो-टैगिंग का कार्य सभी प्रखंडों में शत-प्रतिशत पूरा करने का निर्देश दिया गया। बैठक में सभी बीडीओ को आधार वेरिफाई से संबंधित समस्याओं का निष्पादन कराने का निर्देश दिया।

बैठक में पीएम आवास, पीएम जनमन योजना, अबुआ आवास योजना एवं बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर आवास योजना की भी समीक्षा करते हुए इन्हें निर्धारित समय सीमा के भीतर पूर्ण करने का निर्देश दिया गया। जिला पंचायती राज विभाग के अंतर्गत संचालित सेवाओं के सुचारू संचालन, ग्राम पंचायतों में 15वें वित्त आयोग से संबंधित कार्यों में प्रगति सुनिश्चित करने, ज्ञान केंद्र के अधिष्ठापन, प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना से संबंधित कार्यों पर आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए।

उप विकास आयुक्त द्वारा जेएसएलपीएस अंतर्गत संचालित योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई। उन्होंने एसएचजी गठन, एसएचजी क्रेडिट लिंकेज, मुद्रा लोन, आजीविका एवं लाइवस्टॉक से संबंधित गतिविधियों में प्रगति बढ़ाने तथा नियमित रूप से डेटा अपडेट करने के निर्देश दिए।

बैठक में उप विकास आयुक्त के अतिरिक्त जिला पंचायती राज पदाधिकारी, सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी, डीपीएम, बीपीएम, विभिन्न योजनाओं के समन्वयक एवं अन्य संबंधित कर्मी उपस्थित थे।

अटल आवासीय विद्यालयों ने पहली CBSE बोर्ड परीक्षा में रचा इतिहास

* 93.15% छात्र सफल, वाराणसी और प्रयागराज ने हासिल किया 100% परिणाम
लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी अटल आवासीय विद्यालय योजना के तहत संचालित विद्यालयों ने अपनी पहली कक्षा 10 की CBSE बोर्ड परीक्षा में शानदार प्रदर्शन करते हुए नया इतिहास रच दिया है। प्रदेश के सभी अटल आवासीय विद्यालयों का कुल परीक्षा परिणाम 93.15 प्रतिशत रहा। इस परीक्षा में कुल 2,178 छात्र-छात्राएं शामिल हुए थे।

सबसे उल्लेखनीय उपलब्धि वाराणसी और प्रयागराज के अटल आवासीय विद्यालयों की रही, जहां 100 प्रतिशत परिणाम दर्ज किया गया। यह सफलता योजना की गुणवत्ता, आधुनिक शिक्षण व्यवस्था और विद्यार्थियों की मेहनत का प्रमाण मानी जा रही है।

* मेधावी छात्रों ने बढ़ाया मान
परीक्षा में आजमगढ़ के छात्र संगम यादव ने 97.6 प्रतिशत अंक प्राप्त कर प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया।
वहीं वाराणसी के हर्ष कुशवाहा ने 97.2 प्रतिशत अंक के साथ दूसरा स्थान प्राप्त किया। प्रयागराज के छात्र हर्षित ने 95.8 प्रतिशत अंक पाकर तीसरा स्थान हासिल किया। इसके अलावा आगरा के गणेश ने 95.4 प्रतिशत अंक प्राप्त कर चौथा स्थान तथा मुरादाबाद के उदय प्रताप ने 95 प्रतिशत अंक के साथ पांचवां स्थान प्राप्त किया।

* 50 से अधिक छात्रों ने पाए 90% से ज्यादा अंक
इस परीक्षा में 50 से अधिक छात्र-छात्राओं ने 90 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल किए, जबकि लगभग 250 विद्यार्थियों ने 80 से 90 प्रतिशत के बीच अंक प्राप्त किए। इससे विद्यालयों के उच्च शैक्षणिक स्तर का पता चलता है।

* मुख्यमंत्री योगी सरकार की महत्वाकांक्षी योजना
प्रदेश सरकार द्वारा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में शुरू की गई यह योजना निर्माण श्रमिकों, निराश्रित एवं वंचित वर्ग के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण आवासीय शिक्षा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से शुरू की गई है। विद्यालयों में आधुनिक शिक्षा, डिजिटल लर्निंग, खेलकूद, कौशल विकास और व्यक्तित्व निर्माण पर विशेष जोर दिया जाता है।

* मंत्री अनिल राजभर ने दी बधाई
श्रम एवं सेवायोजन मंत्री अनिल राजभर ने कहा कि अटल आवासीय विद्यालय योजना का उद्देश्य श्रमिकों और वंचित वर्ग के बच्चों को आधुनिक शिक्षा देकर उनका भविष्य उज्ज्वल बनाना है।प्रथम बोर्ड परीक्षा में मिली यह सफलता साबित करती है कि अटल आवासीय विद्यालय आने वाले समय में शिक्षा के क्षेत्र में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में स्थापित होंगे और प्रदेश के शैक्षिक परिदृश्य को नई दिशा देंगे।
सीवर लाइन से क्षतिग्रस्त सड़कों के शीघ्र पुनर्निर्माण के निर्देश  
                        
बलरामपुर। नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष डॉ.धीरेन्द्र प्रताप सिंह ने सीवर लाइन बिछाने से क्षतिग्रस्त सड़कों के जल्द पुनर्निर्माण के निर्देश दिए हैं। उन्होंने जल निगम अधिकारियों को सभी प्रभावित सड़कों का कार्य तुरंत शुरू कर निर्धारित समय में पूरा करने को कहा।
उन्होंने कहा कि खराब सड़कों के कारण नागरिकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है,इसलिए किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निर्माण कार्य की निगरानी के लिए डीपी सिंह बैस को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
अध्यक्ष ने निर्देश दिया कि नगर के सभी वार्डों में अगले दो माह के भीतर सड़क निर्माण हर हाल में पूरा किया जाए,अन्यथा संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। नागरिकों ने इस निर्णय का स्वागत किया
नारी शक्ति वंदन अधिनियम से लोकतंत्र को मिलेगी और मजबूती : कृपाशंकर सिंह
जौनपुर।  भारतीय जनता पार्टी ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम के समर्थन में आज भाजपा कार्यालय पर विधानसभा स्तरीय नारी सम्मेलन का आयोजन किया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि महाराष्ट्र के पूर्व गृहराज्यमंत्री कृपाशंकर सिंह रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूर्व गृहराज्यमंत्री एवं पूर्व लोकसभा प्रत्याशी कृपाशंकर सिंह ने कहा कि सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य महिलाओं के अधिकारों, सम्मान और राजनीतिक भागीदारी को सशक्त बनाने के प्रति जागरूकता फैलाना था। भारतीय जनता पार्टी ने महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए लगातार काम किया है।
उन्होंने केंद्र और प्रदेश सरकार की विभिन्न योजनाओं का उल्लेख किया, जिन्होंने महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इनमें उज्ज्वला योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना और मातृत्व वंदना योजना जैसी पहलें शामिल हैं, जो महिलाओं के जीवन स्तर को बेहतर बनाने में सहायक सिद्ध हुई हैं।
प्रधानमंत्री द्वारा नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर एक विशेष सत्र बुलाया गया है। यह कदम महिला सशक्तिकरण के प्रति सरकार की गंभीरता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि इस अधिनियम के माध्यम से महिलाओं को विधायिका में उचित प्रतिनिधित्व मिलेगा, जिससे लोकतंत्र और अधिक मजबूत होगा। इस मौके पर शशि मौर्य,सीमा प्रजापति, आशा प्रमिला समेत सैकड़ों महिला शक्ति उपस्थित रही।
ग्राम शाहपुर में टॉप बोरर के खिलाफ अभियान, किसानों को दी गई रोकथाम की जानकारी
मेरठ/बहसूमा क्षेत्र के ग्राम शाहपुर बटावली में मिल प्रबंधन द्वारा फसल सुरक्षा को लेकर विशेष अभियान चलाया गया। इस दौरान स्टाफ और किसानों के साथ मिलकर टॉप बोरर से ग्रसित गन्ने की शूट को काटकर खेतों से बाहर निकलवाया गया। साथ ही किसानों को टॉप बोरर की पहचान करने के तरीके और इसके प्रभावी नियंत्रण के उपाय विस्तार से बताए गए।

मिल प्रबंधन ने जानकारी दी कि गांव पुट्टी में ‘उन्नति पेस्टिसाइड स्टोर’ की स्थापना की गई है, जहां किसानों को अच्छी कंपनियों की प्रभावी कीटनाशक दवाइयां बाजार से कम दामों पर उपलब्ध कराई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि मिल प्रबंधन हर कदम पर किसानों के साथ खड़ा है और उनकी फसल की सुरक्षा के लिए लगातार प्रयासरत है।

किसानों से अपील की गई कि वे अपने खेतों की नियमित निगरानी करते रहें ताकि समय रहते कीटों पर नियंत्रण पाया जा सके। मिल के सभी कर्मचारी और अधिकारी फसल सुरक्षा के लिए हर समय उपलब्ध हैं।

इस मौके पर जोन इंचार्ज अनुपम देओल, गन्ना अधिकारी दलीप तोमर, अमित कुमार, किसान अनिल रणपाल प्रमोद विनोद परविंदर उर्फ जैन साहब मुनेश सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
Bethany Convent School ने एक बार फिर शैक्षणिक उत्कृष्टता का परिचय देते हुए केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) की कक्षा 10वीं की परीक्षा में 1


विश्वनाथ प्रताप सिंह


प्रयागराज  ।विद्यालय के सभी छात्र-छात्राएं सफल घोषित हुए, जो कि विद्यालय की गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, अनुशासन और सतत मार्गदर्शन का प्रत्यक्ष प्रमाण है।
इस वर्ष विद्यालय के विद्यार्थियों ने न केवल उत्तीर्ण होकर सफलता प्राप्त की, बल्कि उत्कृष्ट अंकों के साथ अपनी प्रतिभा का भी शानदार प्रदर्शन किया। विशेष रूप से, 45 विद्यार्थियों ने 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त कर विद्यालय का नाम रोशन किया और यह सिद्ध किया कि निरंतर मेहनत, सही मार्गदर्शन और सकारात्मक वातावरण से असाधारण परिणाम संभव हैं।
विद्यालय की टॉपर महिमा सिंह ने 98% अंक प्राप्त कर प्रथम स्थान हासिल किया। इसके अतिरिक्त तुहिना पांडे ने 97.4%, आकृति यादव ने 96.8%, सृष्टि सिन्हा एवं दर्शिता मिश्रा ने 96% अंक प्राप्त किए। वहीं आयुष यादव, आराध्या मौर्य और आशुतोष ओझा ने 95.8% अंक प्राप्त कर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। मोहम्मद मोहिउद्दीन ने 95.6%, अंश यादववंशी ने 95.2% तथा सृष्टि कुशवाहा ने 95% अंक प्राप्त कर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया। इन सभी विद्यार्थियों की उपलब्धि विद्यालय के लिए गर्व का विषय है।
इस शानदार परिणाम पर अभिभावकों ने अत्यंत प्रसन्नता व्यक्त करते हुए विद्यालय की प्रधानाचार्या Sr. Dr. Shamitha की विशेष रूप से प्रशंसा की। अभिभावकों का कहना है कि विद्यालय में न केवल शैक्षणिक गुणवत्ता उच्च स्तर की है, बल्कि विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास पर भी विशेष ध्यान दिया जाता है, जिससे बच्चे आत्मविश्वासी और अनुशासित बनते हैं।
प्रधानाचार्या सिस्टर डॉ. शमीथा ने इस सफलता का श्रेय विद्यालय के समर्पित एवं अनुभवी शिक्षकों तथा विद्यार्थियों की कड़ी मेहनत और लगन को दिया। उन्होंने कहा कि यह परिणाम टीमवर्क, अनुशासन और निरंतर प्रयास का परिणाम है। उन्होंने सभी विद्यार्थियों को उनकी इस उपलब्धि पर हार्दिक बधाई देते हुए भविष्य में भी इसी प्रकार उत्कृष्ट प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित किया।
उन्होंने आगे कहा कि विद्यालय सदैव विद्यार्थियों के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है और भविष्य में भी उन्हें बेहतर शिक्षा, मार्गदर्शन और अवसर प्रदान करता रहेगा, ताकि वे जीवन के हर क्षेत्र में सफलता प्राप्त कर सकें।
विद्यालय प्रबंधन ने भी सभी सफल विद्यार्थियों, उनके अभिभावकों एवं शिक्षकों को इस उपलब्धि के लिए शुभकामनाएं दीं और आशा व्यक्त की कि आने वाले वर्षों में भी विद्यालय इसी प्रकार उत्कृष्ट परिणाम देता रहेगा।
प्रयागराज: करछना के पचदेवरा में रेलवे ट्रैक पर दर्दनाक हादसा, 5 की मौत


विश्वनाथ प्रताप सिंह
प्रयागराज, प्रयागराज के करछना क्षेत्र स्थित पचदेवरा रेलवे पटरी पर बुधवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया, जिसमें ट्रेन की चपेट में आने से 5 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, सभी मृतक 12312 कालका मेल से सफर कर रहे थे। चर्चा है कि ट्रेन रुकने के दौरान ये लोग लघुशंका या हवा लेने के लिए नीचे उतर गए थे। इसी दौरान मिर्जापुर की ओर से आ रही पुरुषोत्तम एक्सप्रेस ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे चारों की मौके पर ही मौत हो गई।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई और शवों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जानकारी में सभी मृतक बाहरी बताए जा रहे हैं, हालांकि उनकी पहचान कराने के प्रयास किए जा रहे है।
स्कूलों में शिक्षा नहीं,सिर्फ बेंचें: फीस से लेकर किताब तक परेशान अभिभावक
बच्चे बेंच तोड़ रहे हैं, स्कूल वाले जेब शंकरगढ़ की शिक्षा व्यवस्था बेपटरी

स्कूल या वसूली केंद्र? शंकरगढ़ में अभिवावकों की जेब पर डाटा



विश्वनाथ प्रताप सिंह


प्रयागराज,प्रयागराज के शंकरगढ़ ब्लॉक के कई निजी और अर्ध-सरकारी स्कूलों में शिक्षा की जगह अब सिर्फ 'व्यापार' चल रहा है। अभिभावकों का आरोप है कि स्कूलों में बच्चों को पढ़ाई के नाम पर केवल बेंच पर बैठाया जा रहा है, जबकि फीस, यूनिफॉर्म, किताब-कॉपियों और अन्य गतिविधियों के नाम पर मनमाने पैसे वसूले जा रहे हैं।स्थानीय अभिभावकों के अनुसार, ब्लॉक के कई स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी है। कक्षाएं तो लगती हैं, लेकिन पढ़ाई न के बराबर। कई जगह तो एक ही शिक्षक 3-4 कक्षाओं को एक साथ 'संभाल' रहा है। वहीं दूसरी ओर, हर साल एडमिशन फीस, एनुअल चार्ज, डेवलपमेंट फीस के नाम पर 15 से 25 हजार रुपये तक वसूले जा रहे हैं। सबसे ज्यादा परेशानी किताबों को लेकर है। स्कूल प्रबंधन हर साल कोर्स बदल देता है और किताबें केवल स्कूल द्वारा तय दुकान से ही खरीदने का दबाव बनाया जाता है। बाजार से 400 रुपये में मिलने वाली किताब का सेट स्कूल से 1200 रुपये तक में बेचा जा रहा है। शंकरगढ़ निवासी संदीप सिंह ने बताया, "बच्चे को स्कूल भेजते हैं तो लगता है पढ़ने गया है, पर घर आकर पूछो तो कहता है 'सर आए ही नहीं'। लेकिन फीस में एक दिन की भी देरी पर 50 रुपये जुर्माना लग जाता है। एक अन्य अभिभावक हरी ओम द्विवेदी का कहना है, "किताब, ड्रेस, जूते-मोजे सब स्कूल से ही लेना मजबूरी है। बाहर से लो तो टीचर बच्चे को ताने मारते हैं। शिक्षा तो दूर, बच्चों का मनोबल भी टूट रहा है। इस मामले में जब खंड शिक्षा अधिकारी से बात करने की कोशिश की गई तो संपर्क नहीं हो पाया। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय का कहना है कि शिकायत मिलने पर जांच कर कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल शंकरगढ़ ब्लॉक के सैकड़ों अभिभावक इस मनमानी के खिलाफ आवाज उठाने की तैयारी कर रहे हैं। उनकी मांग है कि फीस और किताबों के रेट तय किए जाएं और स्कूलों में शिक्षकों की उपस्थिति सुनिश्चित हो, ताकि 'बेंच' पर बैठने वाले बच्चे सच में 'शिक्षा' पा सकें।
स्ट्रॉबेरी की खेती से आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ते "दिनेश गंझू" के कदम

हजारीबाग जिले के कटकमदाग प्रखंड अंतर्गत मयातु गांव के निवासी कृषक दिनेश गंझू ने अपनी मेहनत और नवाचार से सफलता की एक प्रेरणादायक मिसाल पेश की है। सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने आधुनिक तकनीक को अपनाते हुए एक एकड़ भूमि पर स्ट्रॉबेरी की खेती शुरू कर आत्मनिर्भरता की दिशा में मजबूत कदम बढ़ाया है।

दिनेश गंझू ने जिला उद्यान विभाग, हजारीबाग के सहयोग से स्ट्रॉबेरी खेती हेतु ग्रीन हाउस एवं पौधों के लिए आवेदन किया था। विभाग द्वारा उनके आवेदन को स्वीकृति प्रदान करते हुए एक ग्रीन हाउस एवं लगभग 20,000 स्ट्रॉबेरी पौधे उपलब्ध कराए गए। इस सहयोग ने उनकी कृषि यात्रा को नई दिशा दी।

ग्रीन हाउस में दिन-रात मेहनत कर उन्होंने इस मौसम में स्ट्रॉबेरी की बंपर पैदावार हासिल की। वर्तमान में वे प्रतिदिन लगभग 1000 पैकेट स्ट्रॉबेरी तैयार कर बाजार में भेज रहे हैं, जिससे उन्हें प्रतिदिन करीब ₹20,000 की आमदनी हो रही है। बाजार में स्ट्रॉबेरी की बढ़ती मांग का उन्हें पूरा लाभ मिल रहा है।

दिनेश गंझू यहीं नहीं रुके हैं। वे हर मौसम में नई-नई किस्मों के फलों की खेती कर अपने कृषि व्यवसाय को और विस्तार देने की योजना पर भी कार्य कर रहे हैं। उनकी सोच और प्रयास उन्हें एक प्रगतिशील किसान के रूप में स्थापित कर रहे हैं।

अपनी इस सफलता का श्रेय वे झारखंड सरकार की योजनाओं और उद्यान विभाग के सहयोग को देते हैं। उनका कहना है कि यदि सही मार्गदर्शन और संसाधन मिलें, तो किसान खेती को लाभकारी व्यवसाय बना सकते हैं।

दिनेश गंझू की यह सफलता कहानी न केवल अन्य किसानों के लिए प्रेरणा है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाकर ग्रामीण क्षेत्र में भी समृद्धि का मार्ग प्रशस्त किया जा सकता है।

उपविकास आयुक्त ने पशुपालन, भूमि संरक्षण एवं उद्यान विभाग की समीक्षा की

हजारीबाग : उपायुक्त श्री शशि प्रकाश सिंह के निर्देशानुसार उपविकास आयुक्त श्रीमती रिया सिंह ने गुरुवार को समाहरणालय सभागार में पशुपालन, भूमि संरक्षण ,उद्यान विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में उपविकास आयुक्त ने विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की, जिनमें बत्तख, कुक्कुट, गाय वितरण, डीबीटी डेयरी, पशुधन विकास, कृत्रिम गर्भाधान, टीकाकरण, उद्यान विकास, अर्बन फार्मिंग एवं पीएम कुसुम, तालाब निर्माण, परकुलेशन टैंक, पंप सेट योजना की विस्तृत समीक्षा की। उपविकास आयुक्त ने पशुपालन एवं गव्य विकास पदाधिकारी को बत्तख, कुक्कुट, गाय का वितरण शत प्रतिशत करने और डीबीटी को फोकस करने का निर्देश दिया। संबधित पदाधिकारियों को मिट्टी टेस्टिंग के संबंध में भी आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए। साथ ही सभी कृषि आधारित संबंध विभागों को नियमित रूप से बैठक करने का निर्देश दिया। राष्ट्रीय पशु रोग नियंत्रण कार्यक्रम के तहत शत प्रतिशत टीकाकरण कराने एवं राष्ट्रीय कृत्रिम गर्भाधान कार्यक्रम का प्रभावी क्रियान्वयन के संबंध में भी आवश्यक निर्देश भी दिए गए। बैठक में उपायुक्त के अलावे उपविकास आयुक्त, पशुपालन पदाधिकारी, गव्य विकास पदाधिकारी,, उद्यान पदाधिकारी सहित कई अन्य पदाधिकारी, एटीएम, बीटीएम एवं अन्य कर्मी उपस्थित रहे।

डीडीसी ने ग्रामीण विकास विभाग की योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की

उपायुक्त शशि प्रकाश सिंह के निर्देशानुसार गुरुवार को समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में उप विकास आयुक्त श्रीमती रिया सिंह की अध्यक्षता में ग्रामीण विकास विभाग के अंतर्गत संचालित विभिन्न योजनाओं की प्रगति को लेकर समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में मनरेगा के तहत संचालित योजनाएं, प्रधानमंत्री आवास योजना, बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर आवास योजना, अबुआ आवास योजना, बिरसा कूप संवर्धन योजना, डोभा निर्माण, आंगनबाड़ी योजना, बिरसा हरित ग्राम योजना, बागवानी योजना, पोटो हो खेल विकास योजना, पीडी जेनरेशन, जियो-टैगिंग, पीएम जनमन योजना, पंचायती राज, एबीपीएस, जेएसएलपीएस अंतर्गत क्रेडिट लिंकेज, मुद्रा लोन, लाइवस्टॉक, प्रोड्यूसर ग्रुप, डीडीयू-जीकेवाई, पीएमएफएमई सहित अन्य योजनाओं की विस्तारपूर्वक समीक्षा की गई।

उप विकास आयुक्त ने सभी संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि पुरानी एवं ऑनगोइंग योजनाओं को समयबद्ध रूप से पूर्ण किया जाए। उन्होंने एफटीओ एवं पीडी जेनरेशन में प्रगति करने, 100 दिवसीय कार्य उपलब्ध कराने तथा ऑडिट रिपोर्ट शीघ्र भेजने का निर्देश दिया। जीरो एक्सपेंडिचर को बंद करने एवं अन्य एक्सपेंडिचर संबंधी कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने का निर्देश दिया। साथ ही प्रखंडों में आंगनबाड़ी केंद्रों के भवन निर्माण कार्य को शीघ्र पूर्ण करने का निर्देश दिया गया। बढ़ते गर्मी को देखते हुए वाटर कंजर्वेशन से संबंधित योजनाओं में प्रगति करने का निर्देश दिया।

उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के अंतर्गत लंबित पुराने आवासों को शीघ्र पूर्ण कराने तथा पूर्ण योजनाओं की जियो-टैगिंग का कार्य सभी प्रखंडों में शत-प्रतिशत पूरा करने का निर्देश दिया गया। बैठक में सभी बीडीओ को आधार वेरिफाई से संबंधित समस्याओं का निष्पादन कराने का निर्देश दिया।

बैठक में पीएम आवास, पीएम जनमन योजना, अबुआ आवास योजना एवं बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर आवास योजना की भी समीक्षा करते हुए इन्हें निर्धारित समय सीमा के भीतर पूर्ण करने का निर्देश दिया गया। जिला पंचायती राज विभाग के अंतर्गत संचालित सेवाओं के सुचारू संचालन, ग्राम पंचायतों में 15वें वित्त आयोग से संबंधित कार्यों में प्रगति सुनिश्चित करने, ज्ञान केंद्र के अधिष्ठापन, प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना से संबंधित कार्यों पर आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए।

उप विकास आयुक्त द्वारा जेएसएलपीएस अंतर्गत संचालित योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई। उन्होंने एसएचजी गठन, एसएचजी क्रेडिट लिंकेज, मुद्रा लोन, आजीविका एवं लाइवस्टॉक से संबंधित गतिविधियों में प्रगति बढ़ाने तथा नियमित रूप से डेटा अपडेट करने के निर्देश दिए।

बैठक में उप विकास आयुक्त के अतिरिक्त जिला पंचायती राज पदाधिकारी, सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी, डीपीएम, बीपीएम, विभिन्न योजनाओं के समन्वयक एवं अन्य संबंधित कर्मी उपस्थित थे।

अटल आवासीय विद्यालयों ने पहली CBSE बोर्ड परीक्षा में रचा इतिहास

* 93.15% छात्र सफल, वाराणसी और प्रयागराज ने हासिल किया 100% परिणाम
लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी अटल आवासीय विद्यालय योजना के तहत संचालित विद्यालयों ने अपनी पहली कक्षा 10 की CBSE बोर्ड परीक्षा में शानदार प्रदर्शन करते हुए नया इतिहास रच दिया है। प्रदेश के सभी अटल आवासीय विद्यालयों का कुल परीक्षा परिणाम 93.15 प्रतिशत रहा। इस परीक्षा में कुल 2,178 छात्र-छात्राएं शामिल हुए थे।

सबसे उल्लेखनीय उपलब्धि वाराणसी और प्रयागराज के अटल आवासीय विद्यालयों की रही, जहां 100 प्रतिशत परिणाम दर्ज किया गया। यह सफलता योजना की गुणवत्ता, आधुनिक शिक्षण व्यवस्था और विद्यार्थियों की मेहनत का प्रमाण मानी जा रही है।

* मेधावी छात्रों ने बढ़ाया मान
परीक्षा में आजमगढ़ के छात्र संगम यादव ने 97.6 प्रतिशत अंक प्राप्त कर प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया।
वहीं वाराणसी के हर्ष कुशवाहा ने 97.2 प्रतिशत अंक के साथ दूसरा स्थान प्राप्त किया। प्रयागराज के छात्र हर्षित ने 95.8 प्रतिशत अंक पाकर तीसरा स्थान हासिल किया। इसके अलावा आगरा के गणेश ने 95.4 प्रतिशत अंक प्राप्त कर चौथा स्थान तथा मुरादाबाद के उदय प्रताप ने 95 प्रतिशत अंक के साथ पांचवां स्थान प्राप्त किया।

* 50 से अधिक छात्रों ने पाए 90% से ज्यादा अंक
इस परीक्षा में 50 से अधिक छात्र-छात्राओं ने 90 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल किए, जबकि लगभग 250 विद्यार्थियों ने 80 से 90 प्रतिशत के बीच अंक प्राप्त किए। इससे विद्यालयों के उच्च शैक्षणिक स्तर का पता चलता है।

* मुख्यमंत्री योगी सरकार की महत्वाकांक्षी योजना
प्रदेश सरकार द्वारा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में शुरू की गई यह योजना निर्माण श्रमिकों, निराश्रित एवं वंचित वर्ग के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण आवासीय शिक्षा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से शुरू की गई है। विद्यालयों में आधुनिक शिक्षा, डिजिटल लर्निंग, खेलकूद, कौशल विकास और व्यक्तित्व निर्माण पर विशेष जोर दिया जाता है।

* मंत्री अनिल राजभर ने दी बधाई
श्रम एवं सेवायोजन मंत्री अनिल राजभर ने कहा कि अटल आवासीय विद्यालय योजना का उद्देश्य श्रमिकों और वंचित वर्ग के बच्चों को आधुनिक शिक्षा देकर उनका भविष्य उज्ज्वल बनाना है।प्रथम बोर्ड परीक्षा में मिली यह सफलता साबित करती है कि अटल आवासीय विद्यालय आने वाले समय में शिक्षा के क्षेत्र में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में स्थापित होंगे और प्रदेश के शैक्षिक परिदृश्य को नई दिशा देंगे।
सीवर लाइन से क्षतिग्रस्त सड़कों के शीघ्र पुनर्निर्माण के निर्देश  
                        
बलरामपुर। नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष डॉ.धीरेन्द्र प्रताप सिंह ने सीवर लाइन बिछाने से क्षतिग्रस्त सड़कों के जल्द पुनर्निर्माण के निर्देश दिए हैं। उन्होंने जल निगम अधिकारियों को सभी प्रभावित सड़कों का कार्य तुरंत शुरू कर निर्धारित समय में पूरा करने को कहा।
उन्होंने कहा कि खराब सड़कों के कारण नागरिकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है,इसलिए किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निर्माण कार्य की निगरानी के लिए डीपी सिंह बैस को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
अध्यक्ष ने निर्देश दिया कि नगर के सभी वार्डों में अगले दो माह के भीतर सड़क निर्माण हर हाल में पूरा किया जाए,अन्यथा संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। नागरिकों ने इस निर्णय का स्वागत किया
नारी शक्ति वंदन अधिनियम से लोकतंत्र को मिलेगी और मजबूती : कृपाशंकर सिंह
जौनपुर।  भारतीय जनता पार्टी ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम के समर्थन में आज भाजपा कार्यालय पर विधानसभा स्तरीय नारी सम्मेलन का आयोजन किया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि महाराष्ट्र के पूर्व गृहराज्यमंत्री कृपाशंकर सिंह रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूर्व गृहराज्यमंत्री एवं पूर्व लोकसभा प्रत्याशी कृपाशंकर सिंह ने कहा कि सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य महिलाओं के अधिकारों, सम्मान और राजनीतिक भागीदारी को सशक्त बनाने के प्रति जागरूकता फैलाना था। भारतीय जनता पार्टी ने महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए लगातार काम किया है।
उन्होंने केंद्र और प्रदेश सरकार की विभिन्न योजनाओं का उल्लेख किया, जिन्होंने महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इनमें उज्ज्वला योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना और मातृत्व वंदना योजना जैसी पहलें शामिल हैं, जो महिलाओं के जीवन स्तर को बेहतर बनाने में सहायक सिद्ध हुई हैं।
प्रधानमंत्री द्वारा नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर एक विशेष सत्र बुलाया गया है। यह कदम महिला सशक्तिकरण के प्रति सरकार की गंभीरता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि इस अधिनियम के माध्यम से महिलाओं को विधायिका में उचित प्रतिनिधित्व मिलेगा, जिससे लोकतंत्र और अधिक मजबूत होगा। इस मौके पर शशि मौर्य,सीमा प्रजापति, आशा प्रमिला समेत सैकड़ों महिला शक्ति उपस्थित रही।
ग्राम शाहपुर में टॉप बोरर के खिलाफ अभियान, किसानों को दी गई रोकथाम की जानकारी
मेरठ/बहसूमा क्षेत्र के ग्राम शाहपुर बटावली में मिल प्रबंधन द्वारा फसल सुरक्षा को लेकर विशेष अभियान चलाया गया। इस दौरान स्टाफ और किसानों के साथ मिलकर टॉप बोरर से ग्रसित गन्ने की शूट को काटकर खेतों से बाहर निकलवाया गया। साथ ही किसानों को टॉप बोरर की पहचान करने के तरीके और इसके प्रभावी नियंत्रण के उपाय विस्तार से बताए गए।

मिल प्रबंधन ने जानकारी दी कि गांव पुट्टी में ‘उन्नति पेस्टिसाइड स्टोर’ की स्थापना की गई है, जहां किसानों को अच्छी कंपनियों की प्रभावी कीटनाशक दवाइयां बाजार से कम दामों पर उपलब्ध कराई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि मिल प्रबंधन हर कदम पर किसानों के साथ खड़ा है और उनकी फसल की सुरक्षा के लिए लगातार प्रयासरत है।

किसानों से अपील की गई कि वे अपने खेतों की नियमित निगरानी करते रहें ताकि समय रहते कीटों पर नियंत्रण पाया जा सके। मिल के सभी कर्मचारी और अधिकारी फसल सुरक्षा के लिए हर समय उपलब्ध हैं।

इस मौके पर जोन इंचार्ज अनुपम देओल, गन्ना अधिकारी दलीप तोमर, अमित कुमार, किसान अनिल रणपाल प्रमोद विनोद परविंदर उर्फ जैन साहब मुनेश सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
Bethany Convent School ने एक बार फिर शैक्षणिक उत्कृष्टता का परिचय देते हुए केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) की कक्षा 10वीं की परीक्षा में 1


विश्वनाथ प्रताप सिंह


प्रयागराज  ।विद्यालय के सभी छात्र-छात्राएं सफल घोषित हुए, जो कि विद्यालय की गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, अनुशासन और सतत मार्गदर्शन का प्रत्यक्ष प्रमाण है।
इस वर्ष विद्यालय के विद्यार्थियों ने न केवल उत्तीर्ण होकर सफलता प्राप्त की, बल्कि उत्कृष्ट अंकों के साथ अपनी प्रतिभा का भी शानदार प्रदर्शन किया। विशेष रूप से, 45 विद्यार्थियों ने 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त कर विद्यालय का नाम रोशन किया और यह सिद्ध किया कि निरंतर मेहनत, सही मार्गदर्शन और सकारात्मक वातावरण से असाधारण परिणाम संभव हैं।
विद्यालय की टॉपर महिमा सिंह ने 98% अंक प्राप्त कर प्रथम स्थान हासिल किया। इसके अतिरिक्त तुहिना पांडे ने 97.4%, आकृति यादव ने 96.8%, सृष्टि सिन्हा एवं दर्शिता मिश्रा ने 96% अंक प्राप्त किए। वहीं आयुष यादव, आराध्या मौर्य और आशुतोष ओझा ने 95.8% अंक प्राप्त कर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। मोहम्मद मोहिउद्दीन ने 95.6%, अंश यादववंशी ने 95.2% तथा सृष्टि कुशवाहा ने 95% अंक प्राप्त कर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया। इन सभी विद्यार्थियों की उपलब्धि विद्यालय के लिए गर्व का विषय है।
इस शानदार परिणाम पर अभिभावकों ने अत्यंत प्रसन्नता व्यक्त करते हुए विद्यालय की प्रधानाचार्या Sr. Dr. Shamitha की विशेष रूप से प्रशंसा की। अभिभावकों का कहना है कि विद्यालय में न केवल शैक्षणिक गुणवत्ता उच्च स्तर की है, बल्कि विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास पर भी विशेष ध्यान दिया जाता है, जिससे बच्चे आत्मविश्वासी और अनुशासित बनते हैं।
प्रधानाचार्या सिस्टर डॉ. शमीथा ने इस सफलता का श्रेय विद्यालय के समर्पित एवं अनुभवी शिक्षकों तथा विद्यार्थियों की कड़ी मेहनत और लगन को दिया। उन्होंने कहा कि यह परिणाम टीमवर्क, अनुशासन और निरंतर प्रयास का परिणाम है। उन्होंने सभी विद्यार्थियों को उनकी इस उपलब्धि पर हार्दिक बधाई देते हुए भविष्य में भी इसी प्रकार उत्कृष्ट प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित किया।
उन्होंने आगे कहा कि विद्यालय सदैव विद्यार्थियों के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है और भविष्य में भी उन्हें बेहतर शिक्षा, मार्गदर्शन और अवसर प्रदान करता रहेगा, ताकि वे जीवन के हर क्षेत्र में सफलता प्राप्त कर सकें।
विद्यालय प्रबंधन ने भी सभी सफल विद्यार्थियों, उनके अभिभावकों एवं शिक्षकों को इस उपलब्धि के लिए शुभकामनाएं दीं और आशा व्यक्त की कि आने वाले वर्षों में भी विद्यालय इसी प्रकार उत्कृष्ट परिणाम देता रहेगा।
प्रयागराज: करछना के पचदेवरा में रेलवे ट्रैक पर दर्दनाक हादसा, 5 की मौत


विश्वनाथ प्रताप सिंह
प्रयागराज, प्रयागराज के करछना क्षेत्र स्थित पचदेवरा रेलवे पटरी पर बुधवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया, जिसमें ट्रेन की चपेट में आने से 5 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, सभी मृतक 12312 कालका मेल से सफर कर रहे थे। चर्चा है कि ट्रेन रुकने के दौरान ये लोग लघुशंका या हवा लेने के लिए नीचे उतर गए थे। इसी दौरान मिर्जापुर की ओर से आ रही पुरुषोत्तम एक्सप्रेस ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे चारों की मौके पर ही मौत हो गई।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई और शवों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जानकारी में सभी मृतक बाहरी बताए जा रहे हैं, हालांकि उनकी पहचान कराने के प्रयास किए जा रहे है।
स्कूलों में शिक्षा नहीं,सिर्फ बेंचें: फीस से लेकर किताब तक परेशान अभिभावक
बच्चे बेंच तोड़ रहे हैं, स्कूल वाले जेब शंकरगढ़ की शिक्षा व्यवस्था बेपटरी

स्कूल या वसूली केंद्र? शंकरगढ़ में अभिवावकों की जेब पर डाटा



विश्वनाथ प्रताप सिंह


प्रयागराज,प्रयागराज के शंकरगढ़ ब्लॉक के कई निजी और अर्ध-सरकारी स्कूलों में शिक्षा की जगह अब सिर्फ 'व्यापार' चल रहा है। अभिभावकों का आरोप है कि स्कूलों में बच्चों को पढ़ाई के नाम पर केवल बेंच पर बैठाया जा रहा है, जबकि फीस, यूनिफॉर्म, किताब-कॉपियों और अन्य गतिविधियों के नाम पर मनमाने पैसे वसूले जा रहे हैं।स्थानीय अभिभावकों के अनुसार, ब्लॉक के कई स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी है। कक्षाएं तो लगती हैं, लेकिन पढ़ाई न के बराबर। कई जगह तो एक ही शिक्षक 3-4 कक्षाओं को एक साथ 'संभाल' रहा है। वहीं दूसरी ओर, हर साल एडमिशन फीस, एनुअल चार्ज, डेवलपमेंट फीस के नाम पर 15 से 25 हजार रुपये तक वसूले जा रहे हैं। सबसे ज्यादा परेशानी किताबों को लेकर है। स्कूल प्रबंधन हर साल कोर्स बदल देता है और किताबें केवल स्कूल द्वारा तय दुकान से ही खरीदने का दबाव बनाया जाता है। बाजार से 400 रुपये में मिलने वाली किताब का सेट स्कूल से 1200 रुपये तक में बेचा जा रहा है। शंकरगढ़ निवासी संदीप सिंह ने बताया, "बच्चे को स्कूल भेजते हैं तो लगता है पढ़ने गया है, पर घर आकर पूछो तो कहता है 'सर आए ही नहीं'। लेकिन फीस में एक दिन की भी देरी पर 50 रुपये जुर्माना लग जाता है। एक अन्य अभिभावक हरी ओम द्विवेदी का कहना है, "किताब, ड्रेस, जूते-मोजे सब स्कूल से ही लेना मजबूरी है। बाहर से लो तो टीचर बच्चे को ताने मारते हैं। शिक्षा तो दूर, बच्चों का मनोबल भी टूट रहा है। इस मामले में जब खंड शिक्षा अधिकारी से बात करने की कोशिश की गई तो संपर्क नहीं हो पाया। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय का कहना है कि शिकायत मिलने पर जांच कर कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल शंकरगढ़ ब्लॉक के सैकड़ों अभिभावक इस मनमानी के खिलाफ आवाज उठाने की तैयारी कर रहे हैं। उनकी मांग है कि फीस और किताबों के रेट तय किए जाएं और स्कूलों में शिक्षकों की उपस्थिति सुनिश्चित हो, ताकि 'बेंच' पर बैठने वाले बच्चे सच में 'शिक्षा' पा सकें।