थलापति विजय की टीवीके की चेतावनी, DMK-AIADMK सरकार बनी तो सभी 107 विधायक देंगे इस्तीफा

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तमिलनाडु में सरकार पर सस्पेंस बरकरार है। थलापति विजय की पार्टी टीवीके को अब तक सरकार बनाने का न्योता नहीं मिला है। थलापति विजय दो बार गवर्नर से मिल चुके हैं। दोनों बार निराशा ही हाथ लगी है। इस बीच एआईएडीएमके और डीएमके के बीच गठबंधन की सुगबुगाहट तेज है। ऐसे में एक्टर विजय ने बड़ा दांव चल दिया है। इससे तमिलनाडु की सियासत में नया ट्विस्ट आ गया है।

टीवीके की बड़ी चेतावनी

तमिलनाडु में जारी राजनीतिक संकट के बीच सबसे अधिक सीट जीतने वाली नई पार्टी तलिमगा वेत्री कड़गम (टीवीके) ने बड़ी चेतावनी दी है। पार्टी सूत्रों का कहना है कि अगर द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (डीएमके) और अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (एआईएडीएमके) की सरकार बनाने की कवायद होगी तो थलापति विजय की पार्टी के सभी 107 विधायक एक साथ सामूहिक इस्तीफा दे सकते हैं। हालांकि, विजय ने आधिकारिक तौर पर कुछ नहीं कहा है।

डीएमके-एआईएडीएमके के बीच गठबंधन की चर्चा

टीवीके की ओर से सामूहिक इस्तीफे की चेतावनी तब सामने आई, जब राज्य में कट्टर विरोधी द्रविड़ पार्टियां डीएमके-एआईएडीएमके के बीच सरकार बनाने को लेकर गठबंधन की चर्चा फैली है। एआईएडीएमके के कई विधायक पुडुचेरी के एक रिसॉर्ट में हैं। उन्होंने अपने महासचिव एडाप्पाडी पलानीस्वामी को समर्थन पत्र सौंप दिया है। पलानीस्वामी ने शुक्रवार को राज्यपाल से मिलने की अनुमति मांगी है।

थलापति की नाराजगी की वजह

सूत्रों के अनुसार, टीवीके नेतृत्व इस बात से विशेष रूप से नाराज है कि डीएमके-एआईएडीएमके के बीच एक 'अघोषित गठबंधन' हो गया है, जिसका मकसद विजय को सत्ता में आने से रोकना है - भले ही उनकी पार्टी विधानसभा में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी हो। पार्टी नेताओं का मानना है कि दोनों प्रमुख द्रविड़ पार्टियों की ओर से मिल रहे हालिया राजनीतिक संकेत टीवीके को सत्ता से बाहर रखने की एक कोशिश है, जबकि सच्चाई यह है कि दोनों में से किसी भी पार्टी के पास अकेले दम पर सरकार बनाने के लिए जरूरी संख्याबल नहीं है।

महाकाल से तिरुपति तक दर्शन का अवसर, हरदोई होकर गुजरेंगी आईआरसीटीसी की विशेष ट्रेनें
रितेश मिश्रा
हरदोई गर्मियों की छुट्टियों में धार्मिक यात्रा की योजना बना रहे यात्रियों के लिए अच्छी खबर है। आईआरसीटीसी ने भारत गौरव पर्यटक ट्रेन के माध्यम से दो विशेष धार्मिक यात्राओं की घोषणा की है, जिनका लाभ हरदोई रेलवे स्टेशन से भी लिया जा सकेगा। स्कूलों में अवकाश शुरू होने के साथ ही बड़ी संख्या में परिवार तीर्थ यात्रा की तैयारी करते हैं। ऐसे में हरदोई समेत आसपास के जिलों के यात्रियों के लिए यह सुविधा काफी राहत देने वाली मानी जा रही है।पहली यात्रा 12 जून 2026 से 23 जून 2026 तक संचालित होगी। यह 11 रात और 12 दिन की यात्रा होगी, जिसमें श्रद्धालु देश के सात प्रमुख ज्योतिर्लिंगों के दर्शन कर सकेंगे। इस विशेष ट्रेन का संचालन योग नगरी ऋषिकेश रेलवे स्टेशन से किया जाएगा और रास्ते में हरदोई रेलवे स्टेशन पर भी यात्रियों के चढ़ने और उतरने की सुविधा उपलब्ध रहेगी।यात्रा के दौरान उज्जैन स्थित महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग, ओंकारेश्वर, गुजरात का द्वारकाधीश मंदिर, नागेश्वर ज्योतिर्लिंग, सोमनाथ ज्योतिर्लिंग, नासिक का त्र्यंबकेश्वर, भीमाशंकर और संभाजी नगर स्थित घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग के दर्शन कराए जाएंगे। इसके अलावा पंचवटी, कालाराम मंदिर और अन्य स्थानीय धार्मिक स्थलों का भ्रमण भी शामिल रहेगा।

*ईएमआई की भी सुविधा उपलब्ध*
दूसरी धार्मिक यात्रा 29 जून 2026 से 10 जुलाई 2026 तक प्रस्तावित है। इस यात्रा में श्रद्धालुओं को दक्षिण भारत के प्रसिद्ध तीर्थ स्थलों के दर्शन कराए जाएंगे। इसमें तिरुपति बालाजी मंदिर, रामेश्वरम स्थित रामनाथ स्वामी मंदिर, मदुरै का मीनाक्षी मंदिर, कन्याकुमारी तथा मल्लिकार्जुन ज्योतिर्लिंग शामिल हैं। यह ट्रेन भी हरदोई रेलवे स्टेशन से होकर गुजरेगी, जिससे स्थानीय यात्रियों को सीधे अपने जिले से यात्रा शुरू करने का अवसर मिलेगा।आईआरसीटीसी की ओर से यात्रियों के लिए अलग-अलग श्रेणियों में पैकेज तय किए गए हैं। स्लीपर क्लास, थर्ड एसी और सेकेंड एसी में यात्रा की सुविधा उपलब्ध होगी। पैकेज में ट्रेन यात्रा के साथ शाकाहारी भोजन, स्थानीय भ्रमण के लिए बस सुविधा और ठहरने की व्यवस्था भी शामिल की गई है।गर्मी की छुट्टियों में अक्सर परिवार धार्मिक स्थलों की यात्रा की योजना बनाते हैं, लेकिन लंबी दूरी की टिकट और ठहरने की व्यवस्था बड़ी चुनौती बन जाती है। ऐसे में एक ही पैकेज में यात्रा, भोजन और दर्शन की सुविधा मिलने से हरदोई के यात्रियों में उत्साह देखा जा रहा है। रेलवे स्टेशन पर भी इस योजना को लेकर यात्रियों के बीच चर्चा शुरू हो गई है।वायु नंदन शुक्ला जॉइंट जनरल मैनेजर टूरिज्म आईआरसीटीसी के अनुसार यात्रा की बुकिंग “पहले आओ, पहले पाओ” के आधार पर की जाएगी। इच्छुक यात्री लखनऊ स्थित पर्यटन भवन कार्यालय के अलावा ऑनलाइन माध्यम से भी बुकिंग करा सकते हैं। साथ ही एलटीसी और ईएमआई जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं, ताकि अधिक से अधिक लोग इस धार्मिक यात्रा का लाभ उठा सकें। भारत गौरव पर्यटक ट्रेन में स्वच्छ शाकाहारी भोजन की व्यवस्था के साथ सुरक्षा के व्यापक व्यवस्था की गई है हर कोच में सुरक्षा की व्यवस्था रहेगी ऑन बोर्ड कैटरिंग स्टाफ सफाई कर्मचारी की उपस्थिति रहेगी साथ ज्योतिर्लिंग और दक्षिण भारत की यात्रा को ध्यान में रखते हुए ट्रेन के एक कोच में मंदिर भी बनाया है जहां सुबह-शाम आरती होती है और लोग भजन कीर्तन करते हुए अपने तीर्थ यात्रा पूरी करते हैं। वायु नंदन शुक्ला ने कहा कि अधिक जानकारी के लिए आईआरसीटीसी के वेबसाइट और टोल फ्री नंबर पर संपर्क कर अपनी यात्रा को बुक कर सकते हैं।
रेलवे सलाहकार समिति के पूर्व सदस्य डॉ गौरव अग्रवाल ने सभी मुख्य आगुंतकों को पुष्प गुच्छ और भक्त प्रहलाद स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया।इस अवसर पर आईआरसीटीसी से नवनीत गोयल सीएमआई अंबुज मिश्रा स्टेशन अधीक्षक नरसी लाल मीणा सीएमआई मुरलीधर समाज स्टेशन के अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
आजमगढ़:-दर्दनाक सड़क हादसा: पिकअप से आमने-सामने भिड़ी बाइक, 6 माह के मासूम के पिता की मौके पर मौत

वी कुमार यदुवंशी


आजमगढ़। फूलपुर कोतवाली क्षेत्र के मकसूदिया गांव के पास बलिया-लखनऊ राजमार्ग पर गुरुवार सुबह हुए भीषण सड़क हादसे में बाइक सवार युवक की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद पिकअप चालक वाहन छोड़कर फरार हो गया। घटना से परिवार में कोहराम मच गया।जानकारी के अनुसार निजामाबाद थाना क्षेत्र के खतीर पुर गांव निवासी 28 वर्षीय सनी विश्वकर्मा पुत्र हरिहर विश्वकर्मा अपनी ससुराल भादी, शाहगंज (जौनपुर) से सुबह बाइक द्वारा घर लौट रहे थे। इसी दौरान मकसूदिया गांव के पास मोड़ पर आजमगढ़ की तरफ से आ रही तेज रफ्तार पिकअप से उनकी आमने-सामने जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि सनी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पिकअप भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक हादसे के बाद पिकअप चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। सूचना मिलते ही फूलपुर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

घटना की खबर मिलते ही मृतक की पत्नी पूजा विश्वकर्मा बेसुध हो गईं। बताया जा रहा है कि सनी छह माह के एक मासूम बेटे के पिता थे। वहीं उनके पिता रोजी-रोटी के सिलसिले में गुजरात में रहते हैं। युवक की असमय मौत से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है।पुलिस फरार पिकअप चालक की तलाश में जुटी हुई है।फूलपुर पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है ।

कोतवाली प्रभारी निरीक्षक देवेंद्र प्रताप सिंह का कहना है कि सड़क दुर्घटना में हुई युवक की मौत हुई है , युवक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा है । पिकअप को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा है ।
आजमगढ़:-एसडीएम का बड़ा एक्शन: सोनोग्राफी सेंटर पर छापा, डॉक्टर मिले नदारद, मचा हड़कंप

वी कुमार यदुवंशी

आजमगढ़। फूलपुर तहसील क्षेत्र में गुरुवार को प्रशासनिक टीम की अचानक हुई छापेमारी से निजी अस्पतालों और जांच केंद्रों में हड़कंप मच गया। उपजिलाधिकारी अशोक कुमार एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीक्षक अखिलेश कुमार ने फूलपुर पेट्रोल पंप के सामने स्थित जनता सोनोग्राफी सेंटर पर अचानक छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान सेंटर पर डॉक्टर मौजूद नहीं मिले, जिससे प्रशासन ने गंभीर नाराजगी जताई।

बताया जा रहा है कि प्रशासन को उक्त सोनोग्राफी सेंटर को लेकर लगातार शिकायतें मिल रही थीं। शिकायतों के आधार पर एसडीएम एवं स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। छापेमारी की भनक लगते ही नगर के कई निजी अस्पतालों, पैथोलॉजी और जांच केंद्रों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। कई संचालक अपने प्रतिष्ठानों के दस्तावेज व्यवस्थित करते नजर आए, जबकि कुछ जगहों पर कर्मचारियों में बेचैनी साफ दिखाई दी।

जांच के दौरान टीम ने सेंटर के संचालन से जुड़े दस्तावेज, चिकित्सकीय अनुमति पत्र तथा सोनोग्राफी संबंधी आवश्यक अभिलेखों की मांग की। हालांकि मौके पर डॉक्टर की अनुपस्थिति के कारण टीम को संतोषजनक जवाब नहीं मिल सका। इसके बाद प्रशासन ने संबंधित संचालकों को आवश्यक कागजात के साथ तलब किया है।
उपजिलाधिकारी अशोक कुमार ने बताया कि शिकायत के आधार पर कार्रवाई की गई है। छापेमारी के दौरान डॉक्टर मौके पर नहीं मिले, जिससे प्रथम दृष्टया अनियमितता प्रतीत हो रही है। उन्होंने कहा कि सेंटर संचालकों को सोनोग्राफी संचालन से संबंधित सभी दस्तावेज प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। यदि जांच में कागजात अधूरे पाए गए या नियमों का उल्लंघन सामने आया तो संबंधित केंद्र के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

प्रशासन की इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में अवैध रूप से संचालित जांच केंद्रों और निजी अस्पतालों में खलबली मची हुई है। स्वास्थ्य विभाग अब अन्य केंद्रों की भी जांच की तैयारी में जुट गया है।
खरीद केदो पर नहीं खरीदा जा रहा किसानों का आलू, मानकों के विपरीत कहकर किया जा रहा वापस

, किसान परेशान प्रधानमंत्री से हस्तक्षेप करने की मांग ,मुख्यमंत्री, राज्यपाल और प्रमुख सचिव को भेजा पत्र


फर्रुखाबाद l किसान नेता ने प्रधानमंत्री से बाजार हस्तक्षेप योजना(mis) के तहत आलू खरीदने के नियमों को शिथिल किये जाने व आलू की खरीद कराने की मांग की है l प्रदेश मे आलू की अत्याधिक खराब स्थिति को देखते हुये भारत सरकार ने बाजार हस्तक्षेप योजना के तहत 2200 मैट्रिक टन आलू खरीदने का निर्णय 650.9 रुपया कुंटल की दर से खरीदने का निर्णय किया है इस संबंध में  क्रषि विभाग भारत सरकार के डिप्टी कमिश्नर (mps) विनोद गिरी 011-23070823 द्वारा उत्तर प्रदेश के प्रमुख सचिव उद्यान बी एल मीना को दिये गए है।

इस योजना के तहत आलू मंडी सातनपुर मे उद्यान निदेशक वी पी राम ने 28 अप्रैल 2026 को फीता काटकर राज्य औद्यानिक सहकारी विपणन संघ (हाफेड) का क्रय केंद्र भी खोल दिया लेकिन अभी तक किसानों का कोई भी आलू नहीं खरीदा जा सका क्योंकी आलू का साइज़ 45 से 85 एम एम व्यास का होने व आलू बिना मिट्टी लगा रोग मुक्त सहित कई कठोर शर्ते लागू होने के कारण किसान आलू नहीं बेंच पा रहे है और मंडी मे औने पौने दामों मे बेचने को मजबूर है आलू खरीदने की कठोर शर्ते अव्यवहारिक व हास्यदापद है ऐसा प्रतीत होता है कि भारत सरकार की आलू खरीद नीति बनाने वाले अधिकारियों को आलू के संबंध मे व्यावहारिक जानकारी भी नहीं है ,आलू की अत्यधिक खराब स्थिति को देखते हुये आलू मंडी सातनपुर से किसान नेता अशोक कटिहार के नेतृत्व मे आलू किसान बचाओ यात्रा निकालकर 8 अप्रैल को राज्यपाल को ज्ञापन भी दिया गया और किसानों की समस्या से भी अवगत कराया गया था l

राज्यपाल के हस्तक्षेप के बाद भारत सरकार द्वारा आलू क्रय केंद्र खोल तो दिये गए लेकिन कठोर शर्तों व अभी तक बजट आवंटित न किये जाने के कारण अभी तक आलू की खरीद शुरू नही हो सकी है
यह कि आलू खरीद के नियमों को शिथिल किया जाये केवल 45x85 mm के आलू खरीदने की शर्त को समाप्त किया जाये।

आलू खरीदने के लिये बजट अभी तक आवंटित नही किया गया है शीघ्र बजट आवंटित किया जाये।
आलू का केवल एक प्रतिशत निर्यात किया जाता है जबकि विश्व के 65 देशों मे खाद्यान्न संकट है आलू निर्यात की नीति बनाई जाये ।
आलू खाद्य प्रशंसकरण मे  केवल एक प्रतिशत कुल उत्पादन का उपयोग होता है जबकि आलू से आटा, स्टार्च, कार्बोहाइड्रेट, दवाइया, वोदका(शराब) बनाई जा सकती है रूस, पोलेंड, चीन से तकनीकी मंगाकर आलू आधारित उद्योग लगवाकर खपत 15 से 20 प्रतिशत बढ़ाई जाये। आलू किसानों की समस्याओ पर विचार हेतु संसद व विधान सभा का विशेष सत्र आहूत किया जाये।

उन्होंने कहाकि आलू किसानों के हित मे शीघ्र संसोधित आदेश जारी कराने की मांग की है l साथ ही
कृषि मंत्री भारत सरकार से अशोक कटियार और
मुख्यमंत्री से सुधीर शुक्ला (आलू निर्यातक,मुख्य सचिव उत्तर प्रदेश शासन को  रिंकू वर्मा (आलू आड़ती संघ,     अंशुल कटियार(अध्यक्ष सरदार पटेल युवा वाहिनी)
   अरविन्द राजपूत,रामलड़ाइते राजपूत,
परशुराम वर्मा,प्रभात कटियार,पवन कटियार,
सुरजीत सिंह,राजीव यादव(लालू)
आकाश कटियार,राजवीर कठेरिया द्वारा मांग की गई है l
श्री डाल सिंह मेमोरियल स्कूल के बच्चों को लगाए गए टिटनेस और डिप्थीरिया के टीके
रितेश मिश्रा
हरदोई। श्री डाल सिंह मेमोरियल स्कूल में संस्था चिकित्सक स्वास्थ्य केंद्र  की ओर से बच्चों को टिटनेस और डिप्थीरिया  का टीका लगाया गया ।यह टीका बच्चों को टिटनेस  डिप्थीरिया जैसी गंभीर बीमारियों से बचाने में मदद करता है ।
विद्यालय के प्रबंधक मुकेश सिंह ने बताया कि टिटनेस डिप्थीरिया  के टीके लगवाने से बच्चों को इन बीमारियों से बचाया जा सकता है , उन्होंने बताया कि टिटनेस एक गंभीर बीमारी है जो बैक्टीरिया के कारण होती है, जबकि डिप्थीरिया एक संक्रामक बीमारी है जो श्वसन प्रणाली को प्रभावित करती है। इसलिए टीका लगवाना बहुत ही जरूरी है। टीका लगने से बच्चों की सेहत को सुरक्षित रखा जा सकता है।
*विद्यालय की प्रधानाचार्या भूमिका सिंह* ने बताया कि टीका लगवाने से बच्चों को न केवल इन बीमारियों से बचाया जा सकता है, बल्कि इससे उनकी सेहत और शिक्षा पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। उन्होंने अभिभावकों से भी अपील की कि वे अपने बच्चों को टीका जरूर लगवाएं।
चिकित्सा स्वास्थ्य केंद्र की जेएनएम आकांक्षा शुक्ला, रत्नावली दुबे और आशा बहू  पिंकी गुप्ता ने विद्यालय में सैकड़ों बच्चों का टीकाकरण किया ।
इस अवसर पर जूनियर विद्यालय की प्रधानाचार्या लक्ष्मी देवी शिक्षिकाएं कोमल यादव, विनीता त्रिवेदी, सोनम शुक्ला ,आरती वर्मा, मीनाक्षी सिंह, ऐश्वर्या सिंह, कविता गुप्ता, मंशा वाजपेई, प्रज्ञा द्विवेदी,सोनी शुक्ला, पूजा चौहान, क्षमा सिंह, शैलजा मिश्रा, दिव्यांशी गुप्ता शिक्षक राम प्रकाश पांडे , अशोक कुमार गुप्ता, आयुष यादव आदि मौजूद रहे।
उत्तराखंड शर्मसार: चंपावत में नाबालिग से सामूहिक दुष्कर्म, तीन पर मुकदमा दर्ज
चंपावत। उत्तराखंड के चंपावत जिले से एक हृदयविदारक और सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ एक 16 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ हथियारों के बल पर गैंगरेप की घटना को अंजाम दिया गया। पीड़िता एक गांव के कमरे में रस्सियों से बंधी हुई मिली, जिसके बाद इलाके में हड़कंप मच गया है। पुलिस ने इस मामले में बीजेपी के पूर्व मंडल उपाध्यक्ष और पूर्व ग्राम प्रधान समेत तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पीड़िता के पिता द्वारा दर्ज कराई गई तहरीर के अनुसार, वह अपनी बेटी के साथ इलाज के लिए चंपावत आए थे। इलाज के बाद पिता घर लौट गए, जबकि बेटी अपनी सहेली की शादी में शामिल होने के लिए वहीं रुक गई थी। 5 मई की रात जब बेटी का फोन अचानक स्विच ऑफ हो गया, तो घबराए परिजनों ने पुलिस और स्थानीय लोगों के साथ खोजबीन शुरू की। अगली सुबह करीब 4 बजे नाबालिग लड़की एक बंद कमरे में बंधक हालत में मिली। पीड़िता ने आपबीती सुनाते हुए बताया कि तीन युवकों ने उसे चाकू और बसुला जैसे धारदार हथियारों के बल पर डराया और उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। दरिंदगी के बाद आरोपी उसे कमरे में बाहर से ताला लगाकर फरार हो गए और किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी दी।
इस जघन्य अपराध में बीजेपी नेता का नाम सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है और बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने चंपावत पहुंचकर आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। मामले की जांच एसआई प्रियंका मौर्या को सौंपी गई है। एसपी चंपावत रेखा यादव ने बताया कि पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया गया है और रिपोर्ट में पुष्टि होने के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस की टीमें नामजद तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। मामला पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है और पुलिस प्रशासन जल्द से जल्द कार्रवाई का आश्वासन दे रहा है।
हरिद्वार में मदरसों पर शिकंजा, 23 संदिग्ध चिन्हित; 11 में पीएम पोषण योजना बंद
हरिद्वार। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों के बाद उत्तराखंड में मदरसों की जांच अभियान तेज हो गया है। हरिद्वार जिले में प्रशासन द्वारा की गई प्रारंभिक जांच में कई अनियमितताएं सामने आने के बाद 23 मदरसों को जांच के दायरे में लिया गया है, जबकि 11 मदरसों में पीएम पोषण योजना (मिड डे मील) तत्काल प्रभाव से बंद कर दी गई है।
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, पीएम पोषण योजना से जुड़े जिले के 131 मदरसों की प्रारंभिक जांच कराई गई। जांच के दौरान कई संस्थानों द्वारा छात्र संख्या, अभिलेख और मिड डे मील से संबंधित जानकारी सही तरीके से उपलब्ध नहीं कराई गई। इसके चलते मार्च और अप्रैल माह की धनराशि रोक दी गई है तथा विस्तृत जांच के आदेश दिए गए हैं।
जांच में यह भी सामने आया कि कुछ मदरसों में बाहरी राज्यों से बच्चों को लाकर पढ़ाया जा रहा था। प्रशासन अब इन बच्चों के सत्यापन, उनके मूल निवास और उन्हें लाने वाले व्यक्तियों की जानकारी जुटा रहा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने विशेष जांच समिति गठित की है, जो सभी संदिग्ध मदरसों की गहन जांच करेगी।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अमित चंद ने बताया कि पहले चरण में केवल पीएम पोषण योजना से जुड़े मदरसों की जांच की गई है। उन्होंने कहा कि 23 मदरसे नियमों का पालन नहीं कर रहे थे, जिसके चलते 11 मदरसों में योजना बंद कर नोटिस जारी किए गए हैं।
राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि 1 जुलाई से बिना मान्यता प्राप्त मदरसों का संचालन नहीं होने दिया जाएगा। सरकार ने यह भी अनिवार्य किया है कि सभी मदरसों में उत्तराखंड शिक्षा बोर्ड का पाठ्यक्रम लागू किया जाए, ताकि विद्यार्थियों को समान शिक्षा और समान अवसर मिल सकें।
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने बताया कि जिले के सभी मदरसों में पढ़ने वाले छात्रों और शिक्षकों का सत्यापन कराया जा रहा है। साथ ही अन्य मदरसों की भी चरणबद्ध तरीके से जांच की जाएगी। पूरे अभियान के लिए जिला शिक्षा अधिकारी (बेसिक) को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।
तमिलनाडु के राज्यपाल ने थलपति विजय को दूसरी बार लौटाया, अब कैसे बनेगी सरकार?

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तमिलनाडु में सरकार गठन को लेकर सस्पेंस अभी बरकरार है। विधानसभा चुनाव में सबसे बड़ी पार्टी बने एक्टर विजय की टीवीके यानी तमिलगा वेत्त्री कझगम गठबंधन सरकार बनाने की कोशिशों में जुटे हैं। इसी क्रम में टीवीके प्रमुख विजय आज एक बार फिर राजभवन पहुंचे और राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर से मुलाकात की। हालांकि राज्यपाल ने साफ संकेत दे दिए हैं कि केवल सबसे बड़ी पार्टी होने भर से सरकार बनाने का रास्ता आसान नहीं होगा।

राज्यपाल ने दो बार बैरंग लौटाया

टीवीके प्रमुख विजय दो बार राज्यपाल से मिल चुके हैं। मगर दोनों बार लोकभवन से खाली हाथ लौटना पड़ा है। इस तरह अब तक तमिलनाडु में सरकार गठन की तस्वीर साफ नहीं हो पाई है। राज्यपाल अब भी थलापति विजय के दावों और नंबरों से संतुष्ट नहीं हैं। राज्यपाल पहले बहुमत के लिए 118 विधायकों के साइन देखना चाहते हैं, तभी वह विजय को सरकार बनाने के लिए आमंत्रित करेंगे।

दो दिन दो दूसरी बार खाली हाथ लौटे

पहले बुधवार को विजय लोकभवन गए थे। अब एक्टर विजय ने गुरुवार को भी लोकभवन का दौरा किया और राज्यपाल से मुलाकात की। इस दौरान सरकार बनाने के लिए अपनी दावेदारी दोहराई। मगर दो दिन में दोनों मुलाकातों में बात नहीं बन पाई। सूत्रों का कहना है कि विजय आज एक बार फिर लोकभवन से खाली हाथ लौटे। दूसरी बार गवर्नर से मुलाकात पर भी बात नहीं बनी। राज्यपाल विजय के नंबरों से संतुष्ट नहीं हैं। पहले वह बहुमत वाला नंबर देखना चाहते हैं।

सरकार गठन में पेंच फंसने पर बीजेपी पर भड़की कांग्रेस

तमिलनाडु में टीवीके की अगुवाई में नई सरकार के गठन में पेंच फंसने के बाद कांग्रेस ने बीजेपी पर बड़ा हमला बोला है। राहुल गांधी के करीबी नेता और सांसद मणिकम टैगोर ने कहा कि हम सबको पता है कि तमिलनाडु में लोगों ने बदलाव के लिए वोट किया है। लोगों ने एक नए नेता के लिए वोट किया है। टीवीके से 108 विधायक चुने गए हैं और कांग्रेस के समर्थन से यह संख्या बढ़कर 113 हो जाएगी। राज्यपाल भाजपा के पूर्व नेता हैं, हमें पता है कि भाजपा, दिल्ली यह नहीं चाहती कि विजय (TVK प्रमुख विजय) मुख्यमंत्री बनें। इसलिए राज्यपाल इसे टाल रहे हैं, तमिलनाडु में भाजपा का सिर्फ एक विधायक है और उसके साथ भी भाजपा राजनीति करना चाहती है।

कांग्रेस ने दिया टीवीके को समर्थन

दरअसल,सरकार बनाने की कोशिश में टीवीके को कांग्रेस ने समर्थन दिया है। कांग्रेस ने डीएमके गठबंधन से अलग होकर विजय को समर्थन देने का फैसला किया। कांग्रेस के पांच विधायक टीवीके के साथ आए, लेकिन इसके बाद भी आंकड़ा केवल 112 तक पहुंच पाया। यानी बहुमत के जादुई आंकड़े 118 से अभी भी छह विधायक कम हैं। यही वजह है कि राज्यपाल ने फिलहाल शपथ ग्रहण को लेकर कोई हरी झंडी नहीं दी है।

नोएडा में सनसनीखेज खुलासा: छत से गिरने का मामला हत्या में बदला, पति-पत्नी गिरफ्तार
नोएडा/ दिल्ली। चौड़ा रघुनाथपुर गांव में युवक-युवती के तीन मंजिला मकान की छत से गिरने का मामला अब हत्या और हत्या के प्रयास में बदल गया है। सेक्टर-24 थाना पुलिस ने मामले में आरोपी पति-पत्नी को गिरफ्तार कर लिया है। घटना में युवक की मौत हो गई, जबकि युवती गंभीर रूप से घायल है और सफदरजंग अस्पताल में भर्ती है।
पुलिस के अनुसार सोमवार तड़के करीब 4 बजे सूचना मिली थी कि गजराज सिंह के मकान की छत से एक युवक और युवती नीचे गिर गए हैं। युवक सड़क पर गिरा, जबकि युवती बिजली के तारों से टकराते हुए नीचे गिरी। मौके पर ही युवक की मौत हो गई थी।
मृतक की पहचान पुनीत चौहान के रूप में हुई है, जो नोएडा की एक निजी कंपनी में कार्यरत था। घायल युवती की पहचान विद्या दास के रूप में हुई है, जो रसूलपुर नवादा की रहने वाली बताई जा रही है।
प्रारंभिक जांच में मामला संदिग्ध लगने पर पुलिस ने मैनुअल इंटेलिजेंस और गोपनीय सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए सेक्टर-22 के जी ब्लॉक से आरोपी पति-पत्नी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई हॉकी भी बरामद की है।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि पुनीत चौहान उनकी पत्नी चंचल के संपर्क में था, जिससे आरोपी पति नाराज था। आरोप है कि पुनीत अपनी महिला मित्र के साथ माफी मांगने उनके घर पहुंचा था। इसी दौरान गुस्से में आकर पति-पत्नी ने दोनों की हॉकी से पिटाई कर दी।
पुलिस के मुताबिक मारपीट के दौरान पुनीत और उसकी महिला मित्र तीसरी मंजिल से नीचे गिर गए। घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। फिलहाल पुलिस घायल युवती के होश में आने और उसके बयान का इंतजार कर रही है।
एडिशनल डीसीपी ने बताया कि मामले की जांच जारी है। पुलिस मोबाइल फोन की कॉल डिटेल्स खंगाल रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के साथ परिजनों से पूछताछ के आधार पर पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ी जा रही हैं।
थलापति विजय की टीवीके की चेतावनी, DMK-AIADMK सरकार बनी तो सभी 107 विधायक देंगे इस्तीफा

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तमिलनाडु में सरकार पर सस्पेंस बरकरार है। थलापति विजय की पार्टी टीवीके को अब तक सरकार बनाने का न्योता नहीं मिला है। थलापति विजय दो बार गवर्नर से मिल चुके हैं। दोनों बार निराशा ही हाथ लगी है। इस बीच एआईएडीएमके और डीएमके के बीच गठबंधन की सुगबुगाहट तेज है। ऐसे में एक्टर विजय ने बड़ा दांव चल दिया है। इससे तमिलनाडु की सियासत में नया ट्विस्ट आ गया है।

टीवीके की बड़ी चेतावनी

तमिलनाडु में जारी राजनीतिक संकट के बीच सबसे अधिक सीट जीतने वाली नई पार्टी तलिमगा वेत्री कड़गम (टीवीके) ने बड़ी चेतावनी दी है। पार्टी सूत्रों का कहना है कि अगर द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (डीएमके) और अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (एआईएडीएमके) की सरकार बनाने की कवायद होगी तो थलापति विजय की पार्टी के सभी 107 विधायक एक साथ सामूहिक इस्तीफा दे सकते हैं। हालांकि, विजय ने आधिकारिक तौर पर कुछ नहीं कहा है।

डीएमके-एआईएडीएमके के बीच गठबंधन की चर्चा

टीवीके की ओर से सामूहिक इस्तीफे की चेतावनी तब सामने आई, जब राज्य में कट्टर विरोधी द्रविड़ पार्टियां डीएमके-एआईएडीएमके के बीच सरकार बनाने को लेकर गठबंधन की चर्चा फैली है। एआईएडीएमके के कई विधायक पुडुचेरी के एक रिसॉर्ट में हैं। उन्होंने अपने महासचिव एडाप्पाडी पलानीस्वामी को समर्थन पत्र सौंप दिया है। पलानीस्वामी ने शुक्रवार को राज्यपाल से मिलने की अनुमति मांगी है।

थलापति की नाराजगी की वजह

सूत्रों के अनुसार, टीवीके नेतृत्व इस बात से विशेष रूप से नाराज है कि डीएमके-एआईएडीएमके के बीच एक 'अघोषित गठबंधन' हो गया है, जिसका मकसद विजय को सत्ता में आने से रोकना है - भले ही उनकी पार्टी विधानसभा में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी हो। पार्टी नेताओं का मानना है कि दोनों प्रमुख द्रविड़ पार्टियों की ओर से मिल रहे हालिया राजनीतिक संकेत टीवीके को सत्ता से बाहर रखने की एक कोशिश है, जबकि सच्चाई यह है कि दोनों में से किसी भी पार्टी के पास अकेले दम पर सरकार बनाने के लिए जरूरी संख्याबल नहीं है।

महाकाल से तिरुपति तक दर्शन का अवसर, हरदोई होकर गुजरेंगी आईआरसीटीसी की विशेष ट्रेनें
रितेश मिश्रा
हरदोई गर्मियों की छुट्टियों में धार्मिक यात्रा की योजना बना रहे यात्रियों के लिए अच्छी खबर है। आईआरसीटीसी ने भारत गौरव पर्यटक ट्रेन के माध्यम से दो विशेष धार्मिक यात्राओं की घोषणा की है, जिनका लाभ हरदोई रेलवे स्टेशन से भी लिया जा सकेगा। स्कूलों में अवकाश शुरू होने के साथ ही बड़ी संख्या में परिवार तीर्थ यात्रा की तैयारी करते हैं। ऐसे में हरदोई समेत आसपास के जिलों के यात्रियों के लिए यह सुविधा काफी राहत देने वाली मानी जा रही है।पहली यात्रा 12 जून 2026 से 23 जून 2026 तक संचालित होगी। यह 11 रात और 12 दिन की यात्रा होगी, जिसमें श्रद्धालु देश के सात प्रमुख ज्योतिर्लिंगों के दर्शन कर सकेंगे। इस विशेष ट्रेन का संचालन योग नगरी ऋषिकेश रेलवे स्टेशन से किया जाएगा और रास्ते में हरदोई रेलवे स्टेशन पर भी यात्रियों के चढ़ने और उतरने की सुविधा उपलब्ध रहेगी।यात्रा के दौरान उज्जैन स्थित महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग, ओंकारेश्वर, गुजरात का द्वारकाधीश मंदिर, नागेश्वर ज्योतिर्लिंग, सोमनाथ ज्योतिर्लिंग, नासिक का त्र्यंबकेश्वर, भीमाशंकर और संभाजी नगर स्थित घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग के दर्शन कराए जाएंगे। इसके अलावा पंचवटी, कालाराम मंदिर और अन्य स्थानीय धार्मिक स्थलों का भ्रमण भी शामिल रहेगा।

*ईएमआई की भी सुविधा उपलब्ध*
दूसरी धार्मिक यात्रा 29 जून 2026 से 10 जुलाई 2026 तक प्रस्तावित है। इस यात्रा में श्रद्धालुओं को दक्षिण भारत के प्रसिद्ध तीर्थ स्थलों के दर्शन कराए जाएंगे। इसमें तिरुपति बालाजी मंदिर, रामेश्वरम स्थित रामनाथ स्वामी मंदिर, मदुरै का मीनाक्षी मंदिर, कन्याकुमारी तथा मल्लिकार्जुन ज्योतिर्लिंग शामिल हैं। यह ट्रेन भी हरदोई रेलवे स्टेशन से होकर गुजरेगी, जिससे स्थानीय यात्रियों को सीधे अपने जिले से यात्रा शुरू करने का अवसर मिलेगा।आईआरसीटीसी की ओर से यात्रियों के लिए अलग-अलग श्रेणियों में पैकेज तय किए गए हैं। स्लीपर क्लास, थर्ड एसी और सेकेंड एसी में यात्रा की सुविधा उपलब्ध होगी। पैकेज में ट्रेन यात्रा के साथ शाकाहारी भोजन, स्थानीय भ्रमण के लिए बस सुविधा और ठहरने की व्यवस्था भी शामिल की गई है।गर्मी की छुट्टियों में अक्सर परिवार धार्मिक स्थलों की यात्रा की योजना बनाते हैं, लेकिन लंबी दूरी की टिकट और ठहरने की व्यवस्था बड़ी चुनौती बन जाती है। ऐसे में एक ही पैकेज में यात्रा, भोजन और दर्शन की सुविधा मिलने से हरदोई के यात्रियों में उत्साह देखा जा रहा है। रेलवे स्टेशन पर भी इस योजना को लेकर यात्रियों के बीच चर्चा शुरू हो गई है।वायु नंदन शुक्ला जॉइंट जनरल मैनेजर टूरिज्म आईआरसीटीसी के अनुसार यात्रा की बुकिंग “पहले आओ, पहले पाओ” के आधार पर की जाएगी। इच्छुक यात्री लखनऊ स्थित पर्यटन भवन कार्यालय के अलावा ऑनलाइन माध्यम से भी बुकिंग करा सकते हैं। साथ ही एलटीसी और ईएमआई जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं, ताकि अधिक से अधिक लोग इस धार्मिक यात्रा का लाभ उठा सकें। भारत गौरव पर्यटक ट्रेन में स्वच्छ शाकाहारी भोजन की व्यवस्था के साथ सुरक्षा के व्यापक व्यवस्था की गई है हर कोच में सुरक्षा की व्यवस्था रहेगी ऑन बोर्ड कैटरिंग स्टाफ सफाई कर्मचारी की उपस्थिति रहेगी साथ ज्योतिर्लिंग और दक्षिण भारत की यात्रा को ध्यान में रखते हुए ट्रेन के एक कोच में मंदिर भी बनाया है जहां सुबह-शाम आरती होती है और लोग भजन कीर्तन करते हुए अपने तीर्थ यात्रा पूरी करते हैं। वायु नंदन शुक्ला ने कहा कि अधिक जानकारी के लिए आईआरसीटीसी के वेबसाइट और टोल फ्री नंबर पर संपर्क कर अपनी यात्रा को बुक कर सकते हैं।
रेलवे सलाहकार समिति के पूर्व सदस्य डॉ गौरव अग्रवाल ने सभी मुख्य आगुंतकों को पुष्प गुच्छ और भक्त प्रहलाद स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया।इस अवसर पर आईआरसीटीसी से नवनीत गोयल सीएमआई अंबुज मिश्रा स्टेशन अधीक्षक नरसी लाल मीणा सीएमआई मुरलीधर समाज स्टेशन के अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
आजमगढ़:-दर्दनाक सड़क हादसा: पिकअप से आमने-सामने भिड़ी बाइक, 6 माह के मासूम के पिता की मौके पर मौत

वी कुमार यदुवंशी


आजमगढ़। फूलपुर कोतवाली क्षेत्र के मकसूदिया गांव के पास बलिया-लखनऊ राजमार्ग पर गुरुवार सुबह हुए भीषण सड़क हादसे में बाइक सवार युवक की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद पिकअप चालक वाहन छोड़कर फरार हो गया। घटना से परिवार में कोहराम मच गया।जानकारी के अनुसार निजामाबाद थाना क्षेत्र के खतीर पुर गांव निवासी 28 वर्षीय सनी विश्वकर्मा पुत्र हरिहर विश्वकर्मा अपनी ससुराल भादी, शाहगंज (जौनपुर) से सुबह बाइक द्वारा घर लौट रहे थे। इसी दौरान मकसूदिया गांव के पास मोड़ पर आजमगढ़ की तरफ से आ रही तेज रफ्तार पिकअप से उनकी आमने-सामने जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि सनी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पिकअप भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक हादसे के बाद पिकअप चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। सूचना मिलते ही फूलपुर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

घटना की खबर मिलते ही मृतक की पत्नी पूजा विश्वकर्मा बेसुध हो गईं। बताया जा रहा है कि सनी छह माह के एक मासूम बेटे के पिता थे। वहीं उनके पिता रोजी-रोटी के सिलसिले में गुजरात में रहते हैं। युवक की असमय मौत से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है।पुलिस फरार पिकअप चालक की तलाश में जुटी हुई है।फूलपुर पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है ।

कोतवाली प्रभारी निरीक्षक देवेंद्र प्रताप सिंह का कहना है कि सड़क दुर्घटना में हुई युवक की मौत हुई है , युवक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा है । पिकअप को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा है ।
आजमगढ़:-एसडीएम का बड़ा एक्शन: सोनोग्राफी सेंटर पर छापा, डॉक्टर मिले नदारद, मचा हड़कंप

वी कुमार यदुवंशी

आजमगढ़। फूलपुर तहसील क्षेत्र में गुरुवार को प्रशासनिक टीम की अचानक हुई छापेमारी से निजी अस्पतालों और जांच केंद्रों में हड़कंप मच गया। उपजिलाधिकारी अशोक कुमार एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीक्षक अखिलेश कुमार ने फूलपुर पेट्रोल पंप के सामने स्थित जनता सोनोग्राफी सेंटर पर अचानक छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान सेंटर पर डॉक्टर मौजूद नहीं मिले, जिससे प्रशासन ने गंभीर नाराजगी जताई।

बताया जा रहा है कि प्रशासन को उक्त सोनोग्राफी सेंटर को लेकर लगातार शिकायतें मिल रही थीं। शिकायतों के आधार पर एसडीएम एवं स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। छापेमारी की भनक लगते ही नगर के कई निजी अस्पतालों, पैथोलॉजी और जांच केंद्रों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। कई संचालक अपने प्रतिष्ठानों के दस्तावेज व्यवस्थित करते नजर आए, जबकि कुछ जगहों पर कर्मचारियों में बेचैनी साफ दिखाई दी।

जांच के दौरान टीम ने सेंटर के संचालन से जुड़े दस्तावेज, चिकित्सकीय अनुमति पत्र तथा सोनोग्राफी संबंधी आवश्यक अभिलेखों की मांग की। हालांकि मौके पर डॉक्टर की अनुपस्थिति के कारण टीम को संतोषजनक जवाब नहीं मिल सका। इसके बाद प्रशासन ने संबंधित संचालकों को आवश्यक कागजात के साथ तलब किया है।
उपजिलाधिकारी अशोक कुमार ने बताया कि शिकायत के आधार पर कार्रवाई की गई है। छापेमारी के दौरान डॉक्टर मौके पर नहीं मिले, जिससे प्रथम दृष्टया अनियमितता प्रतीत हो रही है। उन्होंने कहा कि सेंटर संचालकों को सोनोग्राफी संचालन से संबंधित सभी दस्तावेज प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। यदि जांच में कागजात अधूरे पाए गए या नियमों का उल्लंघन सामने आया तो संबंधित केंद्र के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

प्रशासन की इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में अवैध रूप से संचालित जांच केंद्रों और निजी अस्पतालों में खलबली मची हुई है। स्वास्थ्य विभाग अब अन्य केंद्रों की भी जांच की तैयारी में जुट गया है।
खरीद केदो पर नहीं खरीदा जा रहा किसानों का आलू, मानकों के विपरीत कहकर किया जा रहा वापस

, किसान परेशान प्रधानमंत्री से हस्तक्षेप करने की मांग ,मुख्यमंत्री, राज्यपाल और प्रमुख सचिव को भेजा पत्र


फर्रुखाबाद l किसान नेता ने प्रधानमंत्री से बाजार हस्तक्षेप योजना(mis) के तहत आलू खरीदने के नियमों को शिथिल किये जाने व आलू की खरीद कराने की मांग की है l प्रदेश मे आलू की अत्याधिक खराब स्थिति को देखते हुये भारत सरकार ने बाजार हस्तक्षेप योजना के तहत 2200 मैट्रिक टन आलू खरीदने का निर्णय 650.9 रुपया कुंटल की दर से खरीदने का निर्णय किया है इस संबंध में  क्रषि विभाग भारत सरकार के डिप्टी कमिश्नर (mps) विनोद गिरी 011-23070823 द्वारा उत्तर प्रदेश के प्रमुख सचिव उद्यान बी एल मीना को दिये गए है।

इस योजना के तहत आलू मंडी सातनपुर मे उद्यान निदेशक वी पी राम ने 28 अप्रैल 2026 को फीता काटकर राज्य औद्यानिक सहकारी विपणन संघ (हाफेड) का क्रय केंद्र भी खोल दिया लेकिन अभी तक किसानों का कोई भी आलू नहीं खरीदा जा सका क्योंकी आलू का साइज़ 45 से 85 एम एम व्यास का होने व आलू बिना मिट्टी लगा रोग मुक्त सहित कई कठोर शर्ते लागू होने के कारण किसान आलू नहीं बेंच पा रहे है और मंडी मे औने पौने दामों मे बेचने को मजबूर है आलू खरीदने की कठोर शर्ते अव्यवहारिक व हास्यदापद है ऐसा प्रतीत होता है कि भारत सरकार की आलू खरीद नीति बनाने वाले अधिकारियों को आलू के संबंध मे व्यावहारिक जानकारी भी नहीं है ,आलू की अत्यधिक खराब स्थिति को देखते हुये आलू मंडी सातनपुर से किसान नेता अशोक कटिहार के नेतृत्व मे आलू किसान बचाओ यात्रा निकालकर 8 अप्रैल को राज्यपाल को ज्ञापन भी दिया गया और किसानों की समस्या से भी अवगत कराया गया था l

राज्यपाल के हस्तक्षेप के बाद भारत सरकार द्वारा आलू क्रय केंद्र खोल तो दिये गए लेकिन कठोर शर्तों व अभी तक बजट आवंटित न किये जाने के कारण अभी तक आलू की खरीद शुरू नही हो सकी है
यह कि आलू खरीद के नियमों को शिथिल किया जाये केवल 45x85 mm के आलू खरीदने की शर्त को समाप्त किया जाये।

आलू खरीदने के लिये बजट अभी तक आवंटित नही किया गया है शीघ्र बजट आवंटित किया जाये।
आलू का केवल एक प्रतिशत निर्यात किया जाता है जबकि विश्व के 65 देशों मे खाद्यान्न संकट है आलू निर्यात की नीति बनाई जाये ।
आलू खाद्य प्रशंसकरण मे  केवल एक प्रतिशत कुल उत्पादन का उपयोग होता है जबकि आलू से आटा, स्टार्च, कार्बोहाइड्रेट, दवाइया, वोदका(शराब) बनाई जा सकती है रूस, पोलेंड, चीन से तकनीकी मंगाकर आलू आधारित उद्योग लगवाकर खपत 15 से 20 प्रतिशत बढ़ाई जाये। आलू किसानों की समस्याओ पर विचार हेतु संसद व विधान सभा का विशेष सत्र आहूत किया जाये।

उन्होंने कहाकि आलू किसानों के हित मे शीघ्र संसोधित आदेश जारी कराने की मांग की है l साथ ही
कृषि मंत्री भारत सरकार से अशोक कटियार और
मुख्यमंत्री से सुधीर शुक्ला (आलू निर्यातक,मुख्य सचिव उत्तर प्रदेश शासन को  रिंकू वर्मा (आलू आड़ती संघ,     अंशुल कटियार(अध्यक्ष सरदार पटेल युवा वाहिनी)
   अरविन्द राजपूत,रामलड़ाइते राजपूत,
परशुराम वर्मा,प्रभात कटियार,पवन कटियार,
सुरजीत सिंह,राजीव यादव(लालू)
आकाश कटियार,राजवीर कठेरिया द्वारा मांग की गई है l
श्री डाल सिंह मेमोरियल स्कूल के बच्चों को लगाए गए टिटनेस और डिप्थीरिया के टीके
रितेश मिश्रा
हरदोई। श्री डाल सिंह मेमोरियल स्कूल में संस्था चिकित्सक स्वास्थ्य केंद्र  की ओर से बच्चों को टिटनेस और डिप्थीरिया  का टीका लगाया गया ।यह टीका बच्चों को टिटनेस  डिप्थीरिया जैसी गंभीर बीमारियों से बचाने में मदद करता है ।
विद्यालय के प्रबंधक मुकेश सिंह ने बताया कि टिटनेस डिप्थीरिया  के टीके लगवाने से बच्चों को इन बीमारियों से बचाया जा सकता है , उन्होंने बताया कि टिटनेस एक गंभीर बीमारी है जो बैक्टीरिया के कारण होती है, जबकि डिप्थीरिया एक संक्रामक बीमारी है जो श्वसन प्रणाली को प्रभावित करती है। इसलिए टीका लगवाना बहुत ही जरूरी है। टीका लगने से बच्चों की सेहत को सुरक्षित रखा जा सकता है।
*विद्यालय की प्रधानाचार्या भूमिका सिंह* ने बताया कि टीका लगवाने से बच्चों को न केवल इन बीमारियों से बचाया जा सकता है, बल्कि इससे उनकी सेहत और शिक्षा पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। उन्होंने अभिभावकों से भी अपील की कि वे अपने बच्चों को टीका जरूर लगवाएं।
चिकित्सा स्वास्थ्य केंद्र की जेएनएम आकांक्षा शुक्ला, रत्नावली दुबे और आशा बहू  पिंकी गुप्ता ने विद्यालय में सैकड़ों बच्चों का टीकाकरण किया ।
इस अवसर पर जूनियर विद्यालय की प्रधानाचार्या लक्ष्मी देवी शिक्षिकाएं कोमल यादव, विनीता त्रिवेदी, सोनम शुक्ला ,आरती वर्मा, मीनाक्षी सिंह, ऐश्वर्या सिंह, कविता गुप्ता, मंशा वाजपेई, प्रज्ञा द्विवेदी,सोनी शुक्ला, पूजा चौहान, क्षमा सिंह, शैलजा मिश्रा, दिव्यांशी गुप्ता शिक्षक राम प्रकाश पांडे , अशोक कुमार गुप्ता, आयुष यादव आदि मौजूद रहे।
उत्तराखंड शर्मसार: चंपावत में नाबालिग से सामूहिक दुष्कर्म, तीन पर मुकदमा दर्ज
चंपावत। उत्तराखंड के चंपावत जिले से एक हृदयविदारक और सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ एक 16 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ हथियारों के बल पर गैंगरेप की घटना को अंजाम दिया गया। पीड़िता एक गांव के कमरे में रस्सियों से बंधी हुई मिली, जिसके बाद इलाके में हड़कंप मच गया है। पुलिस ने इस मामले में बीजेपी के पूर्व मंडल उपाध्यक्ष और पूर्व ग्राम प्रधान समेत तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पीड़िता के पिता द्वारा दर्ज कराई गई तहरीर के अनुसार, वह अपनी बेटी के साथ इलाज के लिए चंपावत आए थे। इलाज के बाद पिता घर लौट गए, जबकि बेटी अपनी सहेली की शादी में शामिल होने के लिए वहीं रुक गई थी। 5 मई की रात जब बेटी का फोन अचानक स्विच ऑफ हो गया, तो घबराए परिजनों ने पुलिस और स्थानीय लोगों के साथ खोजबीन शुरू की। अगली सुबह करीब 4 बजे नाबालिग लड़की एक बंद कमरे में बंधक हालत में मिली। पीड़िता ने आपबीती सुनाते हुए बताया कि तीन युवकों ने उसे चाकू और बसुला जैसे धारदार हथियारों के बल पर डराया और उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। दरिंदगी के बाद आरोपी उसे कमरे में बाहर से ताला लगाकर फरार हो गए और किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी दी।
इस जघन्य अपराध में बीजेपी नेता का नाम सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है और बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने चंपावत पहुंचकर आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। मामले की जांच एसआई प्रियंका मौर्या को सौंपी गई है। एसपी चंपावत रेखा यादव ने बताया कि पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया गया है और रिपोर्ट में पुष्टि होने के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस की टीमें नामजद तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। मामला पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है और पुलिस प्रशासन जल्द से जल्द कार्रवाई का आश्वासन दे रहा है।
हरिद्वार में मदरसों पर शिकंजा, 23 संदिग्ध चिन्हित; 11 में पीएम पोषण योजना बंद
हरिद्वार। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों के बाद उत्तराखंड में मदरसों की जांच अभियान तेज हो गया है। हरिद्वार जिले में प्रशासन द्वारा की गई प्रारंभिक जांच में कई अनियमितताएं सामने आने के बाद 23 मदरसों को जांच के दायरे में लिया गया है, जबकि 11 मदरसों में पीएम पोषण योजना (मिड डे मील) तत्काल प्रभाव से बंद कर दी गई है।
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, पीएम पोषण योजना से जुड़े जिले के 131 मदरसों की प्रारंभिक जांच कराई गई। जांच के दौरान कई संस्थानों द्वारा छात्र संख्या, अभिलेख और मिड डे मील से संबंधित जानकारी सही तरीके से उपलब्ध नहीं कराई गई। इसके चलते मार्च और अप्रैल माह की धनराशि रोक दी गई है तथा विस्तृत जांच के आदेश दिए गए हैं।
जांच में यह भी सामने आया कि कुछ मदरसों में बाहरी राज्यों से बच्चों को लाकर पढ़ाया जा रहा था। प्रशासन अब इन बच्चों के सत्यापन, उनके मूल निवास और उन्हें लाने वाले व्यक्तियों की जानकारी जुटा रहा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने विशेष जांच समिति गठित की है, जो सभी संदिग्ध मदरसों की गहन जांच करेगी।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अमित चंद ने बताया कि पहले चरण में केवल पीएम पोषण योजना से जुड़े मदरसों की जांच की गई है। उन्होंने कहा कि 23 मदरसे नियमों का पालन नहीं कर रहे थे, जिसके चलते 11 मदरसों में योजना बंद कर नोटिस जारी किए गए हैं।
राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि 1 जुलाई से बिना मान्यता प्राप्त मदरसों का संचालन नहीं होने दिया जाएगा। सरकार ने यह भी अनिवार्य किया है कि सभी मदरसों में उत्तराखंड शिक्षा बोर्ड का पाठ्यक्रम लागू किया जाए, ताकि विद्यार्थियों को समान शिक्षा और समान अवसर मिल सकें।
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने बताया कि जिले के सभी मदरसों में पढ़ने वाले छात्रों और शिक्षकों का सत्यापन कराया जा रहा है। साथ ही अन्य मदरसों की भी चरणबद्ध तरीके से जांच की जाएगी। पूरे अभियान के लिए जिला शिक्षा अधिकारी (बेसिक) को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।
तमिलनाडु के राज्यपाल ने थलपति विजय को दूसरी बार लौटाया, अब कैसे बनेगी सरकार?

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तमिलनाडु में सरकार गठन को लेकर सस्पेंस अभी बरकरार है। विधानसभा चुनाव में सबसे बड़ी पार्टी बने एक्टर विजय की टीवीके यानी तमिलगा वेत्त्री कझगम गठबंधन सरकार बनाने की कोशिशों में जुटे हैं। इसी क्रम में टीवीके प्रमुख विजय आज एक बार फिर राजभवन पहुंचे और राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर से मुलाकात की। हालांकि राज्यपाल ने साफ संकेत दे दिए हैं कि केवल सबसे बड़ी पार्टी होने भर से सरकार बनाने का रास्ता आसान नहीं होगा।

राज्यपाल ने दो बार बैरंग लौटाया

टीवीके प्रमुख विजय दो बार राज्यपाल से मिल चुके हैं। मगर दोनों बार लोकभवन से खाली हाथ लौटना पड़ा है। इस तरह अब तक तमिलनाडु में सरकार गठन की तस्वीर साफ नहीं हो पाई है। राज्यपाल अब भी थलापति विजय के दावों और नंबरों से संतुष्ट नहीं हैं। राज्यपाल पहले बहुमत के लिए 118 विधायकों के साइन देखना चाहते हैं, तभी वह विजय को सरकार बनाने के लिए आमंत्रित करेंगे।

दो दिन दो दूसरी बार खाली हाथ लौटे

पहले बुधवार को विजय लोकभवन गए थे। अब एक्टर विजय ने गुरुवार को भी लोकभवन का दौरा किया और राज्यपाल से मुलाकात की। इस दौरान सरकार बनाने के लिए अपनी दावेदारी दोहराई। मगर दो दिन में दोनों मुलाकातों में बात नहीं बन पाई। सूत्रों का कहना है कि विजय आज एक बार फिर लोकभवन से खाली हाथ लौटे। दूसरी बार गवर्नर से मुलाकात पर भी बात नहीं बनी। राज्यपाल विजय के नंबरों से संतुष्ट नहीं हैं। पहले वह बहुमत वाला नंबर देखना चाहते हैं।

सरकार गठन में पेंच फंसने पर बीजेपी पर भड़की कांग्रेस

तमिलनाडु में टीवीके की अगुवाई में नई सरकार के गठन में पेंच फंसने के बाद कांग्रेस ने बीजेपी पर बड़ा हमला बोला है। राहुल गांधी के करीबी नेता और सांसद मणिकम टैगोर ने कहा कि हम सबको पता है कि तमिलनाडु में लोगों ने बदलाव के लिए वोट किया है। लोगों ने एक नए नेता के लिए वोट किया है। टीवीके से 108 विधायक चुने गए हैं और कांग्रेस के समर्थन से यह संख्या बढ़कर 113 हो जाएगी। राज्यपाल भाजपा के पूर्व नेता हैं, हमें पता है कि भाजपा, दिल्ली यह नहीं चाहती कि विजय (TVK प्रमुख विजय) मुख्यमंत्री बनें। इसलिए राज्यपाल इसे टाल रहे हैं, तमिलनाडु में भाजपा का सिर्फ एक विधायक है और उसके साथ भी भाजपा राजनीति करना चाहती है।

कांग्रेस ने दिया टीवीके को समर्थन

दरअसल,सरकार बनाने की कोशिश में टीवीके को कांग्रेस ने समर्थन दिया है। कांग्रेस ने डीएमके गठबंधन से अलग होकर विजय को समर्थन देने का फैसला किया। कांग्रेस के पांच विधायक टीवीके के साथ आए, लेकिन इसके बाद भी आंकड़ा केवल 112 तक पहुंच पाया। यानी बहुमत के जादुई आंकड़े 118 से अभी भी छह विधायक कम हैं। यही वजह है कि राज्यपाल ने फिलहाल शपथ ग्रहण को लेकर कोई हरी झंडी नहीं दी है।

नोएडा में सनसनीखेज खुलासा: छत से गिरने का मामला हत्या में बदला, पति-पत्नी गिरफ्तार
नोएडा/ दिल्ली। चौड़ा रघुनाथपुर गांव में युवक-युवती के तीन मंजिला मकान की छत से गिरने का मामला अब हत्या और हत्या के प्रयास में बदल गया है। सेक्टर-24 थाना पुलिस ने मामले में आरोपी पति-पत्नी को गिरफ्तार कर लिया है। घटना में युवक की मौत हो गई, जबकि युवती गंभीर रूप से घायल है और सफदरजंग अस्पताल में भर्ती है।
पुलिस के अनुसार सोमवार तड़के करीब 4 बजे सूचना मिली थी कि गजराज सिंह के मकान की छत से एक युवक और युवती नीचे गिर गए हैं। युवक सड़क पर गिरा, जबकि युवती बिजली के तारों से टकराते हुए नीचे गिरी। मौके पर ही युवक की मौत हो गई थी।
मृतक की पहचान पुनीत चौहान के रूप में हुई है, जो नोएडा की एक निजी कंपनी में कार्यरत था। घायल युवती की पहचान विद्या दास के रूप में हुई है, जो रसूलपुर नवादा की रहने वाली बताई जा रही है।
प्रारंभिक जांच में मामला संदिग्ध लगने पर पुलिस ने मैनुअल इंटेलिजेंस और गोपनीय सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए सेक्टर-22 के जी ब्लॉक से आरोपी पति-पत्नी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई हॉकी भी बरामद की है।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि पुनीत चौहान उनकी पत्नी चंचल के संपर्क में था, जिससे आरोपी पति नाराज था। आरोप है कि पुनीत अपनी महिला मित्र के साथ माफी मांगने उनके घर पहुंचा था। इसी दौरान गुस्से में आकर पति-पत्नी ने दोनों की हॉकी से पिटाई कर दी।
पुलिस के मुताबिक मारपीट के दौरान पुनीत और उसकी महिला मित्र तीसरी मंजिल से नीचे गिर गए। घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। फिलहाल पुलिस घायल युवती के होश में आने और उसके बयान का इंतजार कर रही है।
एडिशनल डीसीपी ने बताया कि मामले की जांच जारी है। पुलिस मोबाइल फोन की कॉल डिटेल्स खंगाल रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के साथ परिजनों से पूछताछ के आधार पर पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ी जा रही हैं।