वेनेजुएला पर अमेरिकी हमले के खिलाफ कम्युनिस्ट पार्टी ने किया विरोध प्रदर्शन
जौनपुर। विरोध प्रदर्शन को संबोधित करते हुए एस.यू.सी.आई (कम्युनिस्ट) के जौनपुर जिला सचिव काॅमरेड अशोक कुमार ने कहा कि युद्ध-पिपासु अमेरिकी साम्राज्यवादियों द्वारा वेनेजुएला पर किए गए बेहद घृणित सैन्य हमले की घोर निन्दा किया। उन्होंने कहा कि यह हमला केवल वेनेजुएला पर ही नहीं, बल्कि पूरे लैटिन अमेरिका पर किया गया है, जिसका उद्देश्य वहां स्थित सभी देशों को बंदूक की नोक पर अधीन करना है। वास्तव में अमेरिका द्वारा झूठा आरोप लगाकर वेनेजुएला पर हमला किया गया है, जबकि उसकी नियति तेल व खनिज पदार्थों को हथियाने के लिए वहां अपनी पिट्ठू सरकार बनाना है। इसीलिए दादागिरी दिखाते हुए वहां के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सीलिया को अमेरिका ने गिरफ्तार किया है। वेनेजुएला की राजधानी पर बम गिराया जा रहा है। इस बर्बर हमले में लोग मारे जा रहे हैं। अमेरिका अंतर्राष्ट्रीय कानून का भी उल्लंघन कर रहा है। ट्रंप अपने आप को शांति का दूत कहते हैं, लेकिन ये दुनिया में अशांति फैला रहे हैं और दादागिरी कर रहे हैं । यह स्थिति सभी साम्राज्यवाद-विरोधी, युद्ध-विरोधी और शांतिप्रिय लोगों से आग्रह करती है कि वे इस जघन्य हमले के खिलाफ तुरंत विरोध में उठ खड़े हों, पीड़ित वेनेजुएला वासियों का साथ दें और साम्राज्यवादी लुटेरों को लैटिन अमेरिका से पीछे हटने के लिए मजबूर करें। कार्यक्रम को एसयूसीआई (कम्युनिस्ट) के जिला कमेटी सदस्य काॅमरेड प्रमोद कुमार शुक्ल, राजेंद्र प्रसाद तिवारी, दिलीप कुमार ने सम्बोधित किया। इस अवसर पर इन्दुकुमार शुक्ल, राजबहादुर विश्कर्मा, रामप्यारे, विजय प्रकाश गुप्त, दिनेश कान्त मौर्य, लालता प्रसाद मौर्य, मिथिलेश कुमार मौर्य, राकेश निषाद, संतोष कुमार, विनोद मौर्य, मनोज विश्वकर्मा, अंजली सरोज, अमरनाथ दूबे, ओमप्रकाश मौर्य, संजय सिंह, अनीश, सोभनाथ, उमाशंकर, राकेश मौर्य, डबलू सरोज, नैपाल, शैलेन्द्र कुमार, इदरीश, गुड्डू व अन्य मौजूद रहे।
आजमगढ़ : राजमार्ग से सटी कीमती जमीन पर अवैध कब्जा करने का आरोप, ग्रामीणों ने तहसील में दिया ज्ञापन, जेसीवी के नीचे लेटी महिला

सिद्धेश्वर पाण्डेय
  व्यूरो चीफ
आजमगढ़।  जिले के फूलपुर तहसील क्षेत्र के पलिया माफी गांव के ग्रामीणों ने बुधवार को तहसील परिसर पहुंचकर राज्य मार्ग से सटी कीमती जमीन पर अवैध कब्जा करने का आरोप लगाया है। ग्रामीणों ने उप जिलाधिकारी सहित अन्य अधिकारियों को प्रार्थना पत्र भेजते हुए निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि पलिया माफी गांव स्थित आईटीआई स्कूल के सामने, राज्य मार्ग से सटी गाटा संख्या 902 की जमीन अत्यंत कीमती है, जिसकी कीमत करोड़ों रुपये बताई जा रही है। बुधवार को पुलिस बल के साथ पहुंचे राजस्व अधिकारियों ने नापी के साथ निशान लगा दिया, हालांकि इस कार्रवाई के दौरान स्थानीय पुलिस, राजस्व अधिकारियों ग्रामीण महिलाओं के बीच झड़प होती रही इस दौरान कार्य के लिए लाई गई जेसीबी मशीन के सामने कार्य विरोध करते हुए कई महिलाएं लेट गई । जिसे महिला पुलिस द्वारा हटाया गया। इस भूमि में ग्रामीणों का लगभग 29 बिस्वा हिस्सा है, जो सीधे सड़क से लगा हुआ है। आरोप है कि भू-माफिया रामप्रकाश यादव के द्वारा जमीन के कुछ हिस्से का बैनामा करा लिया गया है और राजस्व कर्मियों की मिलीभगत से जबरन पैमाइश कराकर सड़क से सटी जमीन पर कब्जा किया जा रहा है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि अब तक उक्त भूमि का विधिवत बंटवारा नहीं हुआ है, इसके बावजूद गलत तरीके से कब्जा किया जा रहा है और उनके हिस्से की जमीन को पीछे की ओर दिखाया जा रहा है, जबकि उनका हिस्सा भी सड़क से सटा हुआ है। प्रार्थना पत्र में ग्रामीणों ने गाटा संख्या 902 का संज्ञान लेते हुए सभी सह-भागीदारों को उनके हिस्से के अनुसार सड़क पर जमीन दिलाए जाने की मांग की है। इस दौरान प्रार्थिनी सीमा यादव, अनीशा यादव, उषा यादव, सरोजा यादव सहित अन्य ग्रामीण एवं महिलाएं मौजूद रहीं।
अवैध  कच्ची शराब व 100 किलो लहन नष्ट

गोण्डा।  जिलाधिकारी उपआबकारी आयुक्त, देवीपाटन प्रभार एंव जिला आबकारी अधिकारी गोंडा के निर्देशन में जनपद गोण्डा के आबकारी निरीक्षक क्षेत्र-3 व 4 की टीम द्वारा मुखबिर की सूचना पर ग्राम नौडिहवा जैतापुर माझा मे आकस्मिक दबिश दी गयी।
दबिश के दौरान 01 भट्टी व लगभग  10 ली0 अवैध कच्ची शराब व 100 किलो लहन,शराब बनाने का उपकरण बरामद की गई, लहन को
मोके पर नष्ट किया गया। आबकारी अधिनियम की सुसंगत धाराओं के अंतर्गत 01 अभियोग पंजीकृत किया गया।
हाथी के हमले में किसान की मौत, पत्नी गंभीर घायल

हजारीबाग में मानव और हाथियों के बीच बढ़ता टकराव एक बार फिर जानलेवा साबित हुआ। बुधवार देर रात हजारीबाग सदर विधानसभा क्षेत्र के सदर प्रखंड अंतर्गत मुफस्सिल थाना क्षेत्र के चुटियारो गांव में हाथियों के हमले में एक किसान की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि उनकी पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गईं। यह हृदयविदारक घटना क्षेत्र में लगातार सामने आ रहे मानव और हाथी के द्वंद्व की संघर्ष की गंभीरता को उजागर करती है। प्राप्त जानकारी के अनुसार चुटियारो गांव निवासी आदित्य राणा (लगभग 50 वर्ष) अपनी पत्नी शांति देवी के साथ कुम्भियाटांड़ स्थित अपने टमाटर के खेत की देखरेख के लिए गए थे। इसी दौरान अचानक हाथियों के एक झुंड ने उन पर हमला कर दिया। हाथियों ने आदित्य राणा को पटक-पटक कर मार डाला, जबकि उनकी पत्नी शांति देवी को गंभीर रूप से घायल कर दिया। घायल महिला को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है।

मृतक आदित्य राणा अपने पीछे तीन बेटियां और एक बेटा छोड़ गए हैं। घटना की सूचना मिलते ही हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल ने वन विभाग के अधिकारियों को तत्काल अवगत कराया। इसके बाद वन विभाग की टीम अस्पताल पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। 

सांसद मनीष जायसवाल के निर्देश पर हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने अस्पताल पहुंचकर घायल महिला से मुलाकात की और कुशलक्षेम जाना। उन्होंने चिकित्सकों से बातचीत कर बेहतर इलाज सुनिश्चित करने का आग्रह किया। इलाज कर रहे चिकित्सक डॉ. अभिषेक कुमार ने बताया कि घायल महिला फिलहाल खतरे से बाहर हैं।

इधर वन विभाग की ओर से त्वरित कार्रवाई करते हुए मृतक के परिजनों को अंत्येष्टि के लिए 25 हजार रुपये की सहायता राशि तत्काल प्रदान की गई है। विभाग ने बताया कि शेष मुआवजे का भुगतान निर्धारित प्रक्रिया के तहत शीघ्र किया जाएगा। यह घटना एक बार फिर इस बात की ओर इशारा करती है कि मानव और हाथी संघर्ष केवल स्थानीय समस्या नहीं, बल्कि जंगलों के अतिक्रमण और वन्यजीवों के प्राकृतिक आवास के लगातार सिमटने का परिणाम है। सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने कहा कि हाथियों से टकराव का समाधान संघर्ष नहीं, बल्कि सतर्कता और जागरूकता है। हाथियों के पारंपरिक मार्गों में मानवीय दखल कम करना और समय रहते ग्रामीणों को सतर्क करना ही ऐसी घटनाओं को रोक सकता है। उन्होंने वन विभाग के अधिकारियों से अपील किया कि ग्रामीण क्षेत्रों में हाथियों की गतिविधि की सूचना मिलते ही हाथी भगाओ दस्ता को सक्रिय करें, संभावित मार्गों पर निगरानी बढ़ाएं और लोगों को सुरक्षित दूरी बनाए रखने के लिए लगातार जागरूक करते रहें। जागरूकता, सतर्कता और समय पर प्रशासनिक पहल ही मानव जीवन को बचाने का सबसे प्रभावी उपाय हो सकता है ।

हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल के निर्देश पर गुरुवार को उनके मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल के अधीक्षक डॉ. अनुकरण पूर्ति से मुलाकात कर पोस्टमार्टम सेवाओं को लेकर व्याप्त समस्याओं की ओर गंभीरता से ध्यान आकृष्ट कराया।

मुलाकात के दौरान सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने पोस्टमार्टम जैसी अत्यंत संवेदनशील प्रक्रिया में हो रही अनावश्यक देरी, चिकित्सकों की ड्यूटी में मनमानी तथा पोस्टमार्टम हाउस में ड्यूटी रोस्टर सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित नहीं होने से आम लोगों और शोकाकुल परिजनों को होने वाली परेशानियों को उनके समक्ष रखा। सांसद मनीष जायसवाल के निर्देशानुसार यह मांग रखी गई कि पोस्टमार्टम सेवाओं को पूरी तरह समयबद्ध किया जाए, सभी संबंधित चिकित्सकों की ससमय उपस्थिति अनिवार्य की जाए तथा ड्यूटी रोस्टर को पोस्टमार्टम कक्ष के बाहर स्पष्ट रूप से प्रदर्शित किया जाए। रंजन चौधरी ने कहा कि पोस्टमार्टम में देरी से न सिर्फ पीड़ित परिवारों की पीड़ा बढ़ती है, बल्कि प्रशासनिक व्यवस्था पर भी प्रश्नचिह्न लगते हैं। ऐसे में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना बेहद जरूरी है। इस पर अस्पताल अधीक्षक डॉ. अनुकरण पूर्ति ने जनहित से जुड़ी इस महत्वपूर्ण मांग को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई का भरोसा दिलाया। उन्होंने स्पष्ट किया कि जल्द ही पोस्टमार्टम रूम के बाहर चिकित्सकों का ड्यूटी रोस्टर प्रदर्शित कर दिया जाएगा तथा सभी संबंधित चिकित्सकों की समय पर ड्यूटी सुनिश्चित कराई जाएगी, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की अनावश्यक देरी न हो। अस्पताल अधीक्षक के इस आश्वासन पर रंजन चौधरी ने संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि सांसद मनीष जायसवाल आमजन को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत हैं और इस दिशा में आगे भी आवश्यक पहल जारी रहेगी।

गया एयरपोर्ट पर DRI का बड़ा धमाका: बैंकॉक से आए यात्री के पास मिला ₹17 करोड़ का हाइड्रोपोनिक गांजा।

गया/बोधगया: राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) की पटना इकाई ने गया इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करी के एक बड़े रैकेट का भंडाफोड़ किया है। थाई एयरवेज की उड़ान से बैंकॉक से लौटे एक यात्री के पास से 17 किलोग्राम विदेशी हाइड्रोपोनिक गांजा (वीड) बरामद किया गया है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब ₹17 करोड़ आंकी गई है।

खुफिया इनपुट पर हुई गिरफ्तारी DRI को पहले ही सूचना मिली थी कि बैंकॉक से तस्करी का सामान लाया जा रहा है। जैसे ही संदिग्ध यात्री आकाश श्रीचंद सोहांडा (निवासी: महाराष्ट्र) एयरपोर्ट पहुंचा, टीम ने उसे दबोच लिया। उसके सामान की गहन तलाशी में अत्याधुनिक तकनीक से उगाया गया 'हाइड्रोपोनिक वीड' मिला। यह नशीला पदार्थ सामान्य गांजे से कहीं अधिक नशीला और महंगा होता है।

एयरपोर्ट प्रशासन और DRI में 'कोल्ड वॉर' इस कार्रवाई के बाद सुरक्षा एजेंसियों के बीच मतभेद उभरकर सामने आए हैं। गया एयरपोर्ट के निदेशक अवधेश कुमार ने नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि DRI ने इस पूरी कार्रवाई के दौरान एयरपोर्ट प्रशासन को विश्वास में नहीं लिया और न ही कोई औपचारिक सूचना साझा की। उन्होंने कहा कि बरामदगी की मात्रा को लेकर भी विरोधाभास है—मीडिया में 17 किलो की चर्चा है, जबकि अनौपचारिक सूत्रों से उन्हें 8 किलो की जानकारी मिली। आधिकारिक जानकारी के अभाव में उन्हें मुख्यालय को जवाब देने में परेशानी हो रही है।

वहीं, DRI सूत्रों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय तस्करी के मामलों में 'गोपनीयता' सबसे महत्वपूर्ण होती है, ताकि मुख्य सरगना को भनक न लगे।

क्या है हाइड्रोपोनिक गांजा (Hydroponic Weed)?

यह मिट्टी के बिना, केवल पोषक तत्वों वाले पानी और नियंत्रित वातावरण (Indoor) में उगाया जाने वाला गांजा है। इसमें नशीला तत्व (THC) बहुत अधिक होता है, जिस कारण इसकी कीमत करोड़ों में होती है।

यूपी की मतदाता सूची में बड़ा अंतर उजागर, 3.62 करोड़ पात्र नागरिक अब भी बाहर
चुनाव आयोग का अलर्ट: एक महीने में 1 करोड़ नए वोटर जोड़ने का महाअभियान

लखनऊ।उत्तर प्रदेश की लोकतांत्रिक तस्वीर में एक चौंकाने वाला आंकड़ा सामने आया है। राज्य में करीब 3 करोड़ 62 लाख ऐसे नागरिक हैं, जो उम्र के लिहाज से वोट देने के पात्र हैं, लेकिन अब तक मतदाता सूची में दर्ज नहीं हो पाए हैं। यह खुलासा केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग की जनसंख्या रिपोर्ट के विश्लेषण के बाद चुनाव आयोग ने किया है।

इसी बड़े अंतर को पाटने के लिए चुनाव आयोग ने एक महीने के भीतर एक करोड़ नए मतदाता जोड़ने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य तय किया है। इस अभियान में सभी मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय राजनीतिक दलों से सक्रिय सहयोग भी मांगा गया है।

2026 तक 16 करोड़ से अधिक होंगे वोट देने के योग्य

केंद्रीय विभाग की वर्ष 2020 में जारी उच्चस्तरीय जनसंख्या रिपोर्ट के मुताबिक, वर्ष 2026 में उत्तर प्रदेश में 18 वर्ष या उससे अधिक उम्र के नागरिकों की संख्या 16 करोड़ 16 लाख 85 हजार तक पहुंच जाएगी। यानी ये सभी नागरिक संविधान के तहत मताधिकार के पात्र होंगे।इसी रिपोर्ट को आधार बनाकर चुनाव आयोग अपनी मतदाता सूची को दुरुस्त करने की रणनीति पर काम कर रहा है।

कच्ची सूची और जनसंख्या में 3.62 करोड़ का फासला

विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान (SIR) के तहत 6 जनवरी को जारी कच्ची मतदाता सूची में 12 करोड़ 55 लाख मतदाता दर्ज हैं।जबकि केंद्रीय जनसंख्या अनुमान के अनुसार पात्र मतदाताओं की संख्या कहीं अधिक है।यही अंतर 3.62 करोड़ पात्र मतदाताओं के रूप में सामने आया है, जिन्हें सूची में शामिल किया जाना बाकी है।

फॉर्म-6 भरने की अपील, 6 फरवरी तक मौका

चुनाव आयोग ने ऐसे सभी पात्र नागरिकों से अपील की है, जिनका नाम कच्ची मतदाता सूची में नहीं है, वे फॉर्म-6 भरकर मतदाता पंजीकरण कराएं।
6 फरवरी तक फॉर्म-6 भरने पर
6 मार्च को जारी होने वाली अंतिम मतदाता सूची में नाम जुड़ जाएगा
चुनाव आयोग ने राजनीतिक दलों के साथ बैठक में साफ शब्दों में कहा है कि यदि एक महीने में एक करोड़ नए मतदाता नहीं जुड़ते, तो इसका मतलब होगा कि अभियान में कहीं न कहीं गंभीर कमी रह गई।

पहले भी दिखा है असर, दो चुनावों में जुड़े थे लाखों वोटर

चुनाव आयोग का भरोसा पिछले अनुभवों पर टिका है।
2022 विधानसभा चुनाव से पहले विशेष अभियान में 50 लाख से अधिक मतदाता जुड़े
2024 लोकसभा चुनाव से पहले भी करीब 50 लाख नए वोटर सूची में शामिल हुए
आयोग का मानना है कि यदि उसी स्तर की सक्रियता दोहराई गई, तो एक करोड़ नए मतदाता जोड़ना पूरी तरह संभव है।

चुनाव आयोग का स्पष्ट संदेश

मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने कहा“हम अगले एक माह में एक करोड़ नए मतदाता जोड़ने के लक्ष्य के साथ आगे बढ़ रहे हैं। इस अभियान को सफल बनाने के लिए सभी राजनीतिक दलों से बातचीत की गई है और सहयोग की अपेक्षा है।”
नाट्य समारोह के तीसरे दिन उजबक राजा तीन डकैत का शानदार मंचन सम्पन्न।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।साइंटिफिक एंपावरमेंट ऑफ डेवलपमेन्ट सोसाइटी के नाट्य समारोह के तीसरे दिन जबलपुर से आए कलाकारों द्वारा उजबक राजा तीन डकैत नाटक का मंचन किया गया।सर्वप्रथम संस्कार भारती के संस्थापक कलाऋषि पद्मश्री बाबा योगेन्द्र के चित्र के समक्ष पुष्पार्चन कर उनको याद किया एवं आज के मुख्य वक्ता व मुख्य अतिथि युद्ध वीर सिंह द्वारा उनके जीवन पर प्रकाश डाला गया। नाट्य मंचन के अवसर पर विख्यात कलाकार रवीन्द्र कुशवाहा दीपक शर्मा सुशीलराय प्रेमलता मिश्रा ज्योति मिश्रा सुदेश शर्मा तेजेन्द्र सिंह आदि विशिष्ट अतिथियो ने पुष्पार्पण किया।संचालन सुषमा शर्मा का रहा।नाटक का लेखन अलकनंदन का है और नाटक को संजय गर्ग ने निर्देशित किया।नाटक में यह भी दिखाया गया है कि आज देश दुनिया में ढेरों मल्टीनेशनल कंपनियां किस्म- किस्म की ठगी कर रही है टीवी सिनेमा और भ्रामक विज्ञापनो का सहारा लेकर सैकड़ो गैर जरूरी चीज बेच रही है।हमारे खान-पान रहन-सहन सभ्यता और संस्कृति के इर्द-गिर्द एक झूठा जादू तिलस्म रच चुका है उनके जादुई संसार में सब फंसे हुए है हम देशी खान-पान पहनावा अपनी भाषा बोली सब भूलते जा रहे है।बच्चे दाल-चावल रोटी-सब्जी खाना छोड़कर मैगी पिज्जा बर्गर और कोल्ड ड्रिंक से अपना पेट भर रहे हैं हास्य व्यंग्य विनोद गीत संगीत के माध्यम से इस सामाजिक दुर्दशा पर केंद्रित है नाटक उजबक राजा तीन डकैत।मंच पर राजा की भूमिका में दविन्दर सिंह ग्रोवर ने शानदार अभिनय कर दर्शको की खूब प्रशंसा बटोरी।ठगो की भूमिका में विनय शर्मा पराग तेलंग और आत्मानंद श्रीवास्तव ने अपनी भाव भंगिमाओ और अदायगी से न सिर्फ अपनी भूमिकाओ के साथ न्याय किया अपितु नाटक को निरंतर गतिमान बनाए रखा।अन्य पात्रो में मानसी सोनी देवेन्द्र झरिया वैष्णवी बरसैया अनिल पाली अरमान गुप्ता राजवर्धन पटेल भूमिका झरिया समीर सराठे और उन्नति तिवारी ने अपने अभिनय और अदाएगी से दर्शको का मन मोह लिया l

संडे बाजार लगवाने की मांग, नगर उद्योग व्यापार मंडल ने जिला अधिकारी को दिया ज्ञापन, 500 गरीब विकलांग लगाते हैं दुकान, बाजार न लगने से भुखमरी की क


फर्रुखाबाद। नगर उद्योग व्यापार मंडल ने बुधवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर नगर मजिस्ट्रेट संजय बंसल को ज्ञापन सौंपा है जिसमें संडे बाजार लगवाने की मांग की है। नगर उद्योग व्यापार मंडल के अध्यक्ष ने कहा कि नेहरू रोड और चौक तक 500 गरीब और विकलांग बेरोजगार अपने परिवार का पालन पोषण करने के लिए फुटपाथ पर बाजार लगाते हैं और उसे बेचकर अपने परिवार का भरण पोषण करते हैं।

उन्होंने कहा कि यदि बाजार नहीं लगेगा तो इन गरीब और विकलांग परिवारों के बच्चे भुखमरी की कगार पर पहुंच जाएंगे। इसलिए संडे बाजार लगना बहुत ही जरूरी है । उन्होंने कहा कि इस बाजार में गरीब परिवारों के ज्यादा तार लोग ही बाजार में खरीदारी करने के लिए आते हैं और अगर बाजार बंद हो गया तो उनके सामने कपड़े पहनने की समस्या उत्पन्न हो जाएगी।

इनसेट
नहीं लगने देंगे बाजार
संडे बाजार को लेकर नगर मजिस्ट्रेट संजय बंसल ने नगर व्यापार मंडल के पदाधिकारी को से कहा कि संडे बाजार किसी भी हालत में नहीं लगने दिया जाएगा क्योंकि इससे रोड पर जाम लगता है छोटे बड़े वाहनों को निकलने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है इसलिए किसी भी दशा में बाजार नहीं लगने दिया जाएगा जबकि व्यापार मंडल के पदाधिकारी नगर मजिस्ट्रेट से मिन्नतें करते रहे मगर उन्होंने किसी भी व्यापारी की बात नहीं सुनी l
*वेनेज़ुएला पर अमेरिका के सैन्य हमले और राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की गिरफ़्तारी सही या गलत : एक वैश्विक विवाद - डॉ. अतुल मलिकराम (राजनीतिक रणनीति

इंदौर, 04 जनवरी 2026: वैश्विक राजनीति में एक नया, बेहद विवादास्पद तथा इतिहास बनाने वाला अध्याय जुड़ गया है। 3 जनवरी 2026 की रात अमेरिका ने दक्षिण अमेरिकी देश वेनेज़ुएला की राजधानी कराकास पर बड़े पैमाने पर सैन्य हमला किया और मात्र आधे घंटे के भीतर वेनेज़ुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो तथा उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को गिरफ़्तार कर लिया। इस ऑपरेशन ने दुनिया भर में तीखी, गहन तथा बहुआयामी बहस छेड़ दी है। एक तरफ इसे तानाशाही के खिलाफ न्याय की जीत, दमनकारी शासन के अंत तथा लोकतंत्र बहाली की दिशा में निर्णायक कदम बताया जा रहा है, तो दूसरी तरफ इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का स्पष्ट उल्लंघन, संप्रभुता पर हमला तथा साम्राज्यवादी हस्तक्षेप माना जा रहा है। प्रख्यात राजनीतिक रणनीतिकार डॉ. अतुल मलिकराम का कहना है कि “वेनेज़ुएला पर अमेरिका का हमला और मादुरो की गिरफ़्तारी एक जटिल, बहुआयामी, ऐतिहासिक तथा वैश्विक शक्ति संतुलन को प्रभावित करने वाली घटना है। यह कार्रवाई न केवल वेनेज़ुएला के भविष्य को प्रभावित करेगी, बल्कि वैश्विक शक्ति संतुलन, अंतरराष्ट्रीय कानून की विश्वसनीयता, क्षेत्रीय स्थिरता, विकासशील देशों की संप्रभुता तथा बड़े देशों की एकतरफा कार्रवाइयों पर भी गहरा, दीर्घकालिक तथा अप्रत्याशित असर डालेगी। भारत जैसे देशों को इस घटना से सतर्कता बरतने, कूटनीतिक सबक लेने तथा अपनी रक्षा, सुरक्षा तथा विदेश नीति की रणनीति को और अधिक मजबूत करने की प्रेरणा लेनी चाहिए।”


घटना का पूरा ब्यौरा बेहद चौंकाने वाला तथा फिल्मी पटकथा जैसा है। 3 जनवरी 2026 की रात कराकास में कई जोरदार धमाकों ने पूरे शहर को हिलाकर रख दिया। अमेरिकी लड़ाकू विमान तथा हेलीकॉप्टरों ने कराकास के सैन्य ठिकानों पर सटीक हमले किए। ऑपरेशन इतना तेज तथा सुनियोजित था कि वेनेज़ुएला की रक्षा प्रणाली जवाब नहीं दे सकी। अमेरिकी विशेष बलों ने राष्ट्रपति भवन में घुसकर मादुरो तथा उनकी पत्नी को गिरफ़्तार किया। मादुरो दंपती को अमेरिका ले जाकर न्यूयॉर्क के मेट्रोपॉलिटन डिटेंशन सेंटर में रखा गया है, जहां उन पर नारको-टेररिज्म, मादक पदार्थ तस्करी तथा हथियारों की तस्करी जैसे गंभीर आरोपों में मुकदमा चलेगा। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस ऑपरेशन को “सफल कार्रवाई” बताया और दावा किया कि मादुरो ड्रग तस्करी तथा नारको-टेररिज्म में शामिल थे।


इस कार्रवाई की पृष्ठभूमि कई वर्षों की है। मादुरो पर 2020 से ही अमेरिकी अदालत में आरोप थे और उनकी गिरफ़्तारी के लिए इनाम घोषित था। ट्रंप ने इसे अमेरिकी सुरक्षा के लिए जरूरी बताया। लेकिन इस कार्रवाई ने वैश्विक स्तर पर तीखी प्रतिक्रियाएं उकसाईं।

अमेरिका का कहना है कि यह कार्रवाई नारको-टेररिज्म के खिलाफ थी। ट्रंप प्रशासन का दावा है कि मादुरो तथा उनकी सरकार मादक पदार्थ तस्करी में शामिल थी। ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिका वेनेज़ुएला में स्थिरता के लिए भूमिका निभाएगा। इस दृष्टिकोण के समर्थकों का मानना है कि मादुरो का शासन दमनकारी था। वेनेज़ुएला में आर्थिक संकट, भुखमरी तथा मानवाधिकार उल्लंघनों की खबरें थीं। लाखों लोग देश छोड़कर भाग गए। समर्थकों का कहना है कि मादुरो की गिरफ़्तारी लोकतंत्र बहाली का कदम हो सकती है।

विरोधी पक्ष इस कार्रवाई को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन मानता है। संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अनुसार, किसी संप्रभु देश पर हमला तभी वैध है जब वह आत्मरक्षा में हो या संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की मंजूरी हो। विरोधी कहते हैं कि यह हमला तेल संसाधनों पर कब्जे की साजिश थी। वेनेज़ुएला के पास दुनिया के बड़े तेल भंडार हैं। इतिहास में अमेरिका के हस्तक्षेप अस्थिरता लाए हैं।

भारत ने इस घटना पर गहरी चिंता जताई और संयम व संवाद की अपील की। विदेश मंत्रालय ने कहा कि भारत संप्रभुता का सम्मान करता है।

यह कार्रवाई नैतिक रूप से जटिल है। मादुरो का शासन दमनकारी था, लेकिन अमेरिका का तरीका अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन लगता है। कानूनी मानदंड से देखें तो यह गलत प्रतीत होता है। लेकिन सुरक्षा के नजरिए से कुछ के लिए जरूरी था।

वेनेज़ुएला पर अमेरिका का हमला और मादुरो की गिरफ़्तारी एक ऐतिहासिक घटना है। यह वैश्विक शक्ति संतुलन को प्रभावित करेगी। डॉ. मलिकराम कहते हैं कि “यह घटना सतर्कता का संदेश है। भारत को अपनी रणनीति मजबूत करनी होगी।”
खेलो इंडिया बीच गेम्स ने भारतीय खेलों के क्षितिज को विस्तृत किया, प्रतिभा विकास के नए मार्ग खोले: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी

• खेलो इंडिया बीच गेम्स के दूसरे संस्करण का उद्घाटन जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश के उपराज्यपाल श्री मनोज सिन्हा ने किया

• प्रधानमंत्री मोदी ने घोघला बीच को आयोजन स्थल के रूप में चुनने के लिए आयोजकों की सराहना की

• खेलो इंडिया बीच गेम्स 2026 की रंगारंग शुरुआत, 5 से 10 जनवरी तक 2100 से अधिक प्रतिभागी लेंगे हिस्सा

*भोपाल, जनवरी 2026*: घोघला बीच पर सोमवार को खेलो इंडिया बीच गेम्स के दूसरे संस्करण की रंगारंग शुरुआत हुई। इस अवसर पर माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी का विशेष संदेश पढ़कर सुनाया गया। देशभर से आए 2100 से अधिक प्रतिभागियों की मौजूदगी वाले ये खेल 5 से 10 जनवरी तक आयोजित किए जा रहे हैं।

दीव शहर खेलो इंडिया बीच गेम्स के रंग में रंगा हुआ है। खेलों का शुभंकर ‘पर्ल’ (खुशमिजाज और ऊर्जावान डॉल्फ़िन) एथलीटों, सहयोगी स्टाफ, वॉलंटियर्स और केआईबीजी 2026 से जुड़े सभी हितधारकों का स्वागत कर रहा है।
केंद्र शासित प्रदेश दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव द्वारा आयोजित खेलो इंडिया बीच गेम्स का आयोजन भारतीय खेल प्राधिकरण और राष्ट्रीय खेल महासंघों के तकनीकी देखरेख में किया जा रहा है।

इन खेलों में 1100 से अधिक खिलाड़ी आठ खेलों—वॉलीबॉल, सॉकर, सेपक टकरॉ, कबड्डी, पेंकक सिलाट, ओपन वॉटर स्विमिंग, मल्लखंब और रस्साकशी—में प्रतिस्पर्धा कर रहे हैं। इनमें से पहले छह मैडल स्पोर्ट्स होंगे और कुल 32 स्वर्ण पदक दांव पर हैं।

खिलाड़ियों को शुभकामनाएं देते हुए और केंद्र शासित प्रदेश को केआईबीजी 2026 की मेजबानी के लिए बधाई देते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “खेलो इंडिया बीच गेम्स का भारत के खेल परिदृश्य में विशेष स्थान है। समुद्र तट और तटीय खेल शारीरिक सहनशक्ति, मानसिक दृढ़ता और लगातार बदलती परिस्थितियों में परफॉर्म करने की क्षमता की मांग करते हैं। उभरते हुए खेलों को मंच प्रदान कर ये खेल भारतीय खेलों के क्षितिज का विस्तार करते हैं और प्रतिभाओं की खोज, पहचान और उनको निखारने के लिए नए रास्ते खोलते हैं।” प्रधानमंत्री ने घोघला बीच को आयोजन स्थल के रूप में चुने जाने की सराहना करते हुए कहा, “ब्लू फ्लैग प्रमाणित घोघला बीच का चयन विशेष रूप से सराहनीय है। प्रकृति के साथ सामंजस्य में आयोजित खेल न केवल खेल उपलब्धियों को बढ़ावा देते हैं, बल्कि पर्यावरण के प्रति जागरूकता का भी सशक्त माध्यम बनते हैं। यह स्थल हमें याद दिलाता है कि उत्कृष्टता और सततता साथ-साथ आगे बढ़ती हैं।” खेलो इंडिया बीच गेम्स 2026 का औपचारिक उद्घाटन जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश के माननीय उपराज्यपाल श्री मनोज सिन्हा ने किया। इससे पहले एथलीटों की परेड और बीच गेम्स में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले चार खिलाड़ियों-डॉन रेमेडियोस (बीच फुटबॉल), पायल परमार (बीच वॉलीबॉल), अजीश पटेल और जलपा सोलंकी (दोनों रस्साकशी)-द्वारा पारंपरिक मशाल रिले आयोजित की गई। मशाल को श्री सिन्हा और दादरा एवं नगर हवेली तथा दमन और दीव एवं लक्षद्वीप के माननीय प्रशासक श्री प्रफुल्ल पटेल ने औपचारिक रूप से स्थापित किया।

श्री सिन्हा ने खेलो इंडिया बीच गेम्स के माध्यम से जम्मू-कश्मीर की उपलब्धियों पर प्रकाश डालते हुए कहा,
“मुझे यह बताते हुए अत्यंत प्रसन्नता हो रही है कि इसी घोघला बीच पर आयोजित पहले खेलो इंडिया बीच गेम्स 2025 में जम्मू-कश्मीर के खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया। पेंकक सिलाट में हमारे खिलाड़ियों ने कुल नौ पदक जीतकर प्रदेश को गौरवान्वित किया।” उन्होंने आगे कहा, “2014 से अब तक केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन ने दीव में उल्लेखनीय विकास कार्य किए हैं। इनमें आईएनएस खुकरी स्मारक का पुनर्विकास, घोघला बीच को ब्लू फ्लैग प्रमाणन, और शहरी एवं ग्रामीण बुनियादी ढांचे को मजबूत करना शामिल है। ये प्रयास सतत विकास और पर्यटन को बढ़ावा देने के प्रति प्रशासन की प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं।”

प्रधानमंत्री मोदी ने एक बार फिर खेलों की परिवर्तनकारी शक्ति को रेखांकित करते हुए कहा, “आज भारत की खेल संस्कृति में गहरा परिवर्तन देखने को मिल रहा है। संस्थागत पहुंच, जमीनी स्तर पर भागीदारी और सांस्कृतिक बदलाव पर नए सिरे से जोर दिया जा रहा है, जिससे प्रतिभाओं की पहचान और सहयोग का स्वरूप बदल रहा है। आधुनिक बुनियादी ढांचा, वैज्ञानिक प्रशिक्षण पद्धतियां और पारदर्शी प्रतियोगी मंच अब पृष्ठभूमि या भौगोलिक सीमाओं से परे युवा खिलाड़ियों तक पहुंच रहे हैं।” उन्होंने कहा, “विकसित भारत 2047 के लक्ष्य की ओर बढ़ते हुए, हमारे युवा इस यात्रा के अग्रदूत हैं। खेल हो या विज्ञान, शिक्षा हो या प्रशासन, अंतरिक्ष हो या स्टार्ट-अप-हर क्षेत्र में अवसर बढ़े हैं। इससे ऐसा पारिस्थितिकी तंत्र बन रहा है, जहां आकांक्षाओं के साथ संसाधनों तक समान पहुंच सुनिश्चित हो रही है।”

प्रधानमंत्री ने कहा कि खेलो इंडिया, सांसद खेल महोत्सव और टारगेट ओलंपिक पोडियम स्कीम (टॉप्स) जैसी पहलें भारत के एथलीटों को वैश्विक प्रतिस्पर्धाओं और दीर्घकालिक सफलता के लिए तैयार करने के तरीके को नए सिरे से परिभाषित कर रही हैं।

इससे पहले सोमवार को बीच सॉकर और बीच कबड्डी की प्रतिस्पर्धाओं की शुरुआत हुई, जहां शीर्ष टीमों ने मजबूत प्रदर्शन किया। महिला बीच सॉकर में, गत चैंपियन ओडिशा ने ग्रुप ए में महाराष्ट्र को 11-3 से हराया, जबकि ग्रुप बी में पदार्पण कर रही हिमाचल प्रदेश ने तीसरे क्वार्टर में वापसी करते हुए मेजबान दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव को 7-5 से मात दी।

बीच कबड्डी में महाराष्ट्र की पुरुष और महिला टीमों ने अपने-अपने मुकाबलों में आसान जीत दर्ज की। महिला वर्ग में महाराष्ट्र ने दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव को 64-22 से हराया, जबकि पुरुष वर्ग में महाराष्ट्र ने दिल्ली को 47-20 से पराजित किया। आज के परिणाम :

बीच कबड्डी
(महिला):
पूल ए – हरियाणा ने पंजाब को 51-23 से हराया; महाराष्ट्र ने दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव को 71-18 से हराया।
पूल बी – उत्तर प्रदेश ने हिमाचल प्रदेश को 43-35 से हराया; राजस्थान ने आंध्र प्रदेश को 64-22 से हराया।

(पुरुष):
पूल ए – हरियाणा ने आंध्र प्रदेश को 53-16 से हराया; उत्तर प्रदेश ने दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव को 55-33 से हराया।
पूल बी – राजस्थान ने उत्तराखंड को 44-36 से हराया; महाराष्ट्र ने दिल्ली को 47-20 से हराया।

बीच सॉकर (महिला):
ग्रुप ए – ओडिशा ने महाराष्ट्र को 11-3 से हराया।
ग्रुप बी – हिमाचल प्रदेश ने दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव को 7-5 से हराया।
वेनेजुएला पर अमेरिकी हमले के खिलाफ कम्युनिस्ट पार्टी ने किया विरोध प्रदर्शन
जौनपुर। विरोध प्रदर्शन को संबोधित करते हुए एस.यू.सी.आई (कम्युनिस्ट) के जौनपुर जिला सचिव काॅमरेड अशोक कुमार ने कहा कि युद्ध-पिपासु अमेरिकी साम्राज्यवादियों द्वारा वेनेजुएला पर किए गए बेहद घृणित सैन्य हमले की घोर निन्दा किया। उन्होंने कहा कि यह हमला केवल वेनेजुएला पर ही नहीं, बल्कि पूरे लैटिन अमेरिका पर किया गया है, जिसका उद्देश्य वहां स्थित सभी देशों को बंदूक की नोक पर अधीन करना है। वास्तव में अमेरिका द्वारा झूठा आरोप लगाकर वेनेजुएला पर हमला किया गया है, जबकि उसकी नियति तेल व खनिज पदार्थों को हथियाने के लिए वहां अपनी पिट्ठू सरकार बनाना है। इसीलिए दादागिरी दिखाते हुए वहां के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सीलिया को अमेरिका ने गिरफ्तार किया है। वेनेजुएला की राजधानी पर बम गिराया जा रहा है। इस बर्बर हमले में लोग मारे जा रहे हैं। अमेरिका अंतर्राष्ट्रीय कानून का भी उल्लंघन कर रहा है। ट्रंप अपने आप को शांति का दूत कहते हैं, लेकिन ये दुनिया में अशांति फैला रहे हैं और दादागिरी कर रहे हैं । यह स्थिति सभी साम्राज्यवाद-विरोधी, युद्ध-विरोधी और शांतिप्रिय लोगों से आग्रह करती है कि वे इस जघन्य हमले के खिलाफ तुरंत विरोध में उठ खड़े हों, पीड़ित वेनेजुएला वासियों का साथ दें और साम्राज्यवादी लुटेरों को लैटिन अमेरिका से पीछे हटने के लिए मजबूर करें। कार्यक्रम को एसयूसीआई (कम्युनिस्ट) के जिला कमेटी सदस्य काॅमरेड प्रमोद कुमार शुक्ल, राजेंद्र प्रसाद तिवारी, दिलीप कुमार ने सम्बोधित किया। इस अवसर पर इन्दुकुमार शुक्ल, राजबहादुर विश्कर्मा, रामप्यारे, विजय प्रकाश गुप्त, दिनेश कान्त मौर्य, लालता प्रसाद मौर्य, मिथिलेश कुमार मौर्य, राकेश निषाद, संतोष कुमार, विनोद मौर्य, मनोज विश्वकर्मा, अंजली सरोज, अमरनाथ दूबे, ओमप्रकाश मौर्य, संजय सिंह, अनीश, सोभनाथ, उमाशंकर, राकेश मौर्य, डबलू सरोज, नैपाल, शैलेन्द्र कुमार, इदरीश, गुड्डू व अन्य मौजूद रहे।
आजमगढ़ : राजमार्ग से सटी कीमती जमीन पर अवैध कब्जा करने का आरोप, ग्रामीणों ने तहसील में दिया ज्ञापन, जेसीवी के नीचे लेटी महिला

सिद्धेश्वर पाण्डेय
  व्यूरो चीफ
आजमगढ़।  जिले के फूलपुर तहसील क्षेत्र के पलिया माफी गांव के ग्रामीणों ने बुधवार को तहसील परिसर पहुंचकर राज्य मार्ग से सटी कीमती जमीन पर अवैध कब्जा करने का आरोप लगाया है। ग्रामीणों ने उप जिलाधिकारी सहित अन्य अधिकारियों को प्रार्थना पत्र भेजते हुए निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि पलिया माफी गांव स्थित आईटीआई स्कूल के सामने, राज्य मार्ग से सटी गाटा संख्या 902 की जमीन अत्यंत कीमती है, जिसकी कीमत करोड़ों रुपये बताई जा रही है। बुधवार को पुलिस बल के साथ पहुंचे राजस्व अधिकारियों ने नापी के साथ निशान लगा दिया, हालांकि इस कार्रवाई के दौरान स्थानीय पुलिस, राजस्व अधिकारियों ग्रामीण महिलाओं के बीच झड़प होती रही इस दौरान कार्य के लिए लाई गई जेसीबी मशीन के सामने कार्य विरोध करते हुए कई महिलाएं लेट गई । जिसे महिला पुलिस द्वारा हटाया गया। इस भूमि में ग्रामीणों का लगभग 29 बिस्वा हिस्सा है, जो सीधे सड़क से लगा हुआ है। आरोप है कि भू-माफिया रामप्रकाश यादव के द्वारा जमीन के कुछ हिस्से का बैनामा करा लिया गया है और राजस्व कर्मियों की मिलीभगत से जबरन पैमाइश कराकर सड़क से सटी जमीन पर कब्जा किया जा रहा है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि अब तक उक्त भूमि का विधिवत बंटवारा नहीं हुआ है, इसके बावजूद गलत तरीके से कब्जा किया जा रहा है और उनके हिस्से की जमीन को पीछे की ओर दिखाया जा रहा है, जबकि उनका हिस्सा भी सड़क से सटा हुआ है। प्रार्थना पत्र में ग्रामीणों ने गाटा संख्या 902 का संज्ञान लेते हुए सभी सह-भागीदारों को उनके हिस्से के अनुसार सड़क पर जमीन दिलाए जाने की मांग की है। इस दौरान प्रार्थिनी सीमा यादव, अनीशा यादव, उषा यादव, सरोजा यादव सहित अन्य ग्रामीण एवं महिलाएं मौजूद रहीं।
अवैध  कच्ची शराब व 100 किलो लहन नष्ट

गोण्डा।  जिलाधिकारी उपआबकारी आयुक्त, देवीपाटन प्रभार एंव जिला आबकारी अधिकारी गोंडा के निर्देशन में जनपद गोण्डा के आबकारी निरीक्षक क्षेत्र-3 व 4 की टीम द्वारा मुखबिर की सूचना पर ग्राम नौडिहवा जैतापुर माझा मे आकस्मिक दबिश दी गयी।
दबिश के दौरान 01 भट्टी व लगभग  10 ली0 अवैध कच्ची शराब व 100 किलो लहन,शराब बनाने का उपकरण बरामद की गई, लहन को
मोके पर नष्ट किया गया। आबकारी अधिनियम की सुसंगत धाराओं के अंतर्गत 01 अभियोग पंजीकृत किया गया।
हाथी के हमले में किसान की मौत, पत्नी गंभीर घायल

हजारीबाग में मानव और हाथियों के बीच बढ़ता टकराव एक बार फिर जानलेवा साबित हुआ। बुधवार देर रात हजारीबाग सदर विधानसभा क्षेत्र के सदर प्रखंड अंतर्गत मुफस्सिल थाना क्षेत्र के चुटियारो गांव में हाथियों के हमले में एक किसान की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि उनकी पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गईं। यह हृदयविदारक घटना क्षेत्र में लगातार सामने आ रहे मानव और हाथी के द्वंद्व की संघर्ष की गंभीरता को उजागर करती है। प्राप्त जानकारी के अनुसार चुटियारो गांव निवासी आदित्य राणा (लगभग 50 वर्ष) अपनी पत्नी शांति देवी के साथ कुम्भियाटांड़ स्थित अपने टमाटर के खेत की देखरेख के लिए गए थे। इसी दौरान अचानक हाथियों के एक झुंड ने उन पर हमला कर दिया। हाथियों ने आदित्य राणा को पटक-पटक कर मार डाला, जबकि उनकी पत्नी शांति देवी को गंभीर रूप से घायल कर दिया। घायल महिला को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है।

मृतक आदित्य राणा अपने पीछे तीन बेटियां और एक बेटा छोड़ गए हैं। घटना की सूचना मिलते ही हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल ने वन विभाग के अधिकारियों को तत्काल अवगत कराया। इसके बाद वन विभाग की टीम अस्पताल पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। 

सांसद मनीष जायसवाल के निर्देश पर हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने अस्पताल पहुंचकर घायल महिला से मुलाकात की और कुशलक्षेम जाना। उन्होंने चिकित्सकों से बातचीत कर बेहतर इलाज सुनिश्चित करने का आग्रह किया। इलाज कर रहे चिकित्सक डॉ. अभिषेक कुमार ने बताया कि घायल महिला फिलहाल खतरे से बाहर हैं।

इधर वन विभाग की ओर से त्वरित कार्रवाई करते हुए मृतक के परिजनों को अंत्येष्टि के लिए 25 हजार रुपये की सहायता राशि तत्काल प्रदान की गई है। विभाग ने बताया कि शेष मुआवजे का भुगतान निर्धारित प्रक्रिया के तहत शीघ्र किया जाएगा। यह घटना एक बार फिर इस बात की ओर इशारा करती है कि मानव और हाथी संघर्ष केवल स्थानीय समस्या नहीं, बल्कि जंगलों के अतिक्रमण और वन्यजीवों के प्राकृतिक आवास के लगातार सिमटने का परिणाम है। सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने कहा कि हाथियों से टकराव का समाधान संघर्ष नहीं, बल्कि सतर्कता और जागरूकता है। हाथियों के पारंपरिक मार्गों में मानवीय दखल कम करना और समय रहते ग्रामीणों को सतर्क करना ही ऐसी घटनाओं को रोक सकता है। उन्होंने वन विभाग के अधिकारियों से अपील किया कि ग्रामीण क्षेत्रों में हाथियों की गतिविधि की सूचना मिलते ही हाथी भगाओ दस्ता को सक्रिय करें, संभावित मार्गों पर निगरानी बढ़ाएं और लोगों को सुरक्षित दूरी बनाए रखने के लिए लगातार जागरूक करते रहें। जागरूकता, सतर्कता और समय पर प्रशासनिक पहल ही मानव जीवन को बचाने का सबसे प्रभावी उपाय हो सकता है ।

हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल के निर्देश पर गुरुवार को उनके मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल के अधीक्षक डॉ. अनुकरण पूर्ति से मुलाकात कर पोस्टमार्टम सेवाओं को लेकर व्याप्त समस्याओं की ओर गंभीरता से ध्यान आकृष्ट कराया।

मुलाकात के दौरान सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने पोस्टमार्टम जैसी अत्यंत संवेदनशील प्रक्रिया में हो रही अनावश्यक देरी, चिकित्सकों की ड्यूटी में मनमानी तथा पोस्टमार्टम हाउस में ड्यूटी रोस्टर सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित नहीं होने से आम लोगों और शोकाकुल परिजनों को होने वाली परेशानियों को उनके समक्ष रखा। सांसद मनीष जायसवाल के निर्देशानुसार यह मांग रखी गई कि पोस्टमार्टम सेवाओं को पूरी तरह समयबद्ध किया जाए, सभी संबंधित चिकित्सकों की ससमय उपस्थिति अनिवार्य की जाए तथा ड्यूटी रोस्टर को पोस्टमार्टम कक्ष के बाहर स्पष्ट रूप से प्रदर्शित किया जाए। रंजन चौधरी ने कहा कि पोस्टमार्टम में देरी से न सिर्फ पीड़ित परिवारों की पीड़ा बढ़ती है, बल्कि प्रशासनिक व्यवस्था पर भी प्रश्नचिह्न लगते हैं। ऐसे में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना बेहद जरूरी है। इस पर अस्पताल अधीक्षक डॉ. अनुकरण पूर्ति ने जनहित से जुड़ी इस महत्वपूर्ण मांग को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई का भरोसा दिलाया। उन्होंने स्पष्ट किया कि जल्द ही पोस्टमार्टम रूम के बाहर चिकित्सकों का ड्यूटी रोस्टर प्रदर्शित कर दिया जाएगा तथा सभी संबंधित चिकित्सकों की समय पर ड्यूटी सुनिश्चित कराई जाएगी, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की अनावश्यक देरी न हो। अस्पताल अधीक्षक के इस आश्वासन पर रंजन चौधरी ने संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि सांसद मनीष जायसवाल आमजन को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत हैं और इस दिशा में आगे भी आवश्यक पहल जारी रहेगी।

गया एयरपोर्ट पर DRI का बड़ा धमाका: बैंकॉक से आए यात्री के पास मिला ₹17 करोड़ का हाइड्रोपोनिक गांजा।

गया/बोधगया: राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) की पटना इकाई ने गया इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करी के एक बड़े रैकेट का भंडाफोड़ किया है। थाई एयरवेज की उड़ान से बैंकॉक से लौटे एक यात्री के पास से 17 किलोग्राम विदेशी हाइड्रोपोनिक गांजा (वीड) बरामद किया गया है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब ₹17 करोड़ आंकी गई है।

खुफिया इनपुट पर हुई गिरफ्तारी DRI को पहले ही सूचना मिली थी कि बैंकॉक से तस्करी का सामान लाया जा रहा है। जैसे ही संदिग्ध यात्री आकाश श्रीचंद सोहांडा (निवासी: महाराष्ट्र) एयरपोर्ट पहुंचा, टीम ने उसे दबोच लिया। उसके सामान की गहन तलाशी में अत्याधुनिक तकनीक से उगाया गया 'हाइड्रोपोनिक वीड' मिला। यह नशीला पदार्थ सामान्य गांजे से कहीं अधिक नशीला और महंगा होता है।

एयरपोर्ट प्रशासन और DRI में 'कोल्ड वॉर' इस कार्रवाई के बाद सुरक्षा एजेंसियों के बीच मतभेद उभरकर सामने आए हैं। गया एयरपोर्ट के निदेशक अवधेश कुमार ने नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि DRI ने इस पूरी कार्रवाई के दौरान एयरपोर्ट प्रशासन को विश्वास में नहीं लिया और न ही कोई औपचारिक सूचना साझा की। उन्होंने कहा कि बरामदगी की मात्रा को लेकर भी विरोधाभास है—मीडिया में 17 किलो की चर्चा है, जबकि अनौपचारिक सूत्रों से उन्हें 8 किलो की जानकारी मिली। आधिकारिक जानकारी के अभाव में उन्हें मुख्यालय को जवाब देने में परेशानी हो रही है।

वहीं, DRI सूत्रों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय तस्करी के मामलों में 'गोपनीयता' सबसे महत्वपूर्ण होती है, ताकि मुख्य सरगना को भनक न लगे।

क्या है हाइड्रोपोनिक गांजा (Hydroponic Weed)?

यह मिट्टी के बिना, केवल पोषक तत्वों वाले पानी और नियंत्रित वातावरण (Indoor) में उगाया जाने वाला गांजा है। इसमें नशीला तत्व (THC) बहुत अधिक होता है, जिस कारण इसकी कीमत करोड़ों में होती है।

यूपी की मतदाता सूची में बड़ा अंतर उजागर, 3.62 करोड़ पात्र नागरिक अब भी बाहर
चुनाव आयोग का अलर्ट: एक महीने में 1 करोड़ नए वोटर जोड़ने का महाअभियान

लखनऊ।उत्तर प्रदेश की लोकतांत्रिक तस्वीर में एक चौंकाने वाला आंकड़ा सामने आया है। राज्य में करीब 3 करोड़ 62 लाख ऐसे नागरिक हैं, जो उम्र के लिहाज से वोट देने के पात्र हैं, लेकिन अब तक मतदाता सूची में दर्ज नहीं हो पाए हैं। यह खुलासा केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग की जनसंख्या रिपोर्ट के विश्लेषण के बाद चुनाव आयोग ने किया है।

इसी बड़े अंतर को पाटने के लिए चुनाव आयोग ने एक महीने के भीतर एक करोड़ नए मतदाता जोड़ने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य तय किया है। इस अभियान में सभी मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय राजनीतिक दलों से सक्रिय सहयोग भी मांगा गया है।

2026 तक 16 करोड़ से अधिक होंगे वोट देने के योग्य

केंद्रीय विभाग की वर्ष 2020 में जारी उच्चस्तरीय जनसंख्या रिपोर्ट के मुताबिक, वर्ष 2026 में उत्तर प्रदेश में 18 वर्ष या उससे अधिक उम्र के नागरिकों की संख्या 16 करोड़ 16 लाख 85 हजार तक पहुंच जाएगी। यानी ये सभी नागरिक संविधान के तहत मताधिकार के पात्र होंगे।इसी रिपोर्ट को आधार बनाकर चुनाव आयोग अपनी मतदाता सूची को दुरुस्त करने की रणनीति पर काम कर रहा है।

कच्ची सूची और जनसंख्या में 3.62 करोड़ का फासला

विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान (SIR) के तहत 6 जनवरी को जारी कच्ची मतदाता सूची में 12 करोड़ 55 लाख मतदाता दर्ज हैं।जबकि केंद्रीय जनसंख्या अनुमान के अनुसार पात्र मतदाताओं की संख्या कहीं अधिक है।यही अंतर 3.62 करोड़ पात्र मतदाताओं के रूप में सामने आया है, जिन्हें सूची में शामिल किया जाना बाकी है।

फॉर्म-6 भरने की अपील, 6 फरवरी तक मौका

चुनाव आयोग ने ऐसे सभी पात्र नागरिकों से अपील की है, जिनका नाम कच्ची मतदाता सूची में नहीं है, वे फॉर्म-6 भरकर मतदाता पंजीकरण कराएं।
6 फरवरी तक फॉर्म-6 भरने पर
6 मार्च को जारी होने वाली अंतिम मतदाता सूची में नाम जुड़ जाएगा
चुनाव आयोग ने राजनीतिक दलों के साथ बैठक में साफ शब्दों में कहा है कि यदि एक महीने में एक करोड़ नए मतदाता नहीं जुड़ते, तो इसका मतलब होगा कि अभियान में कहीं न कहीं गंभीर कमी रह गई।

पहले भी दिखा है असर, दो चुनावों में जुड़े थे लाखों वोटर

चुनाव आयोग का भरोसा पिछले अनुभवों पर टिका है।
2022 विधानसभा चुनाव से पहले विशेष अभियान में 50 लाख से अधिक मतदाता जुड़े
2024 लोकसभा चुनाव से पहले भी करीब 50 लाख नए वोटर सूची में शामिल हुए
आयोग का मानना है कि यदि उसी स्तर की सक्रियता दोहराई गई, तो एक करोड़ नए मतदाता जोड़ना पूरी तरह संभव है।

चुनाव आयोग का स्पष्ट संदेश

मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने कहा“हम अगले एक माह में एक करोड़ नए मतदाता जोड़ने के लक्ष्य के साथ आगे बढ़ रहे हैं। इस अभियान को सफल बनाने के लिए सभी राजनीतिक दलों से बातचीत की गई है और सहयोग की अपेक्षा है।”
नाट्य समारोह के तीसरे दिन उजबक राजा तीन डकैत का शानदार मंचन सम्पन्न।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।साइंटिफिक एंपावरमेंट ऑफ डेवलपमेन्ट सोसाइटी के नाट्य समारोह के तीसरे दिन जबलपुर से आए कलाकारों द्वारा उजबक राजा तीन डकैत नाटक का मंचन किया गया।सर्वप्रथम संस्कार भारती के संस्थापक कलाऋषि पद्मश्री बाबा योगेन्द्र के चित्र के समक्ष पुष्पार्चन कर उनको याद किया एवं आज के मुख्य वक्ता व मुख्य अतिथि युद्ध वीर सिंह द्वारा उनके जीवन पर प्रकाश डाला गया। नाट्य मंचन के अवसर पर विख्यात कलाकार रवीन्द्र कुशवाहा दीपक शर्मा सुशीलराय प्रेमलता मिश्रा ज्योति मिश्रा सुदेश शर्मा तेजेन्द्र सिंह आदि विशिष्ट अतिथियो ने पुष्पार्पण किया।संचालन सुषमा शर्मा का रहा।नाटक का लेखन अलकनंदन का है और नाटक को संजय गर्ग ने निर्देशित किया।नाटक में यह भी दिखाया गया है कि आज देश दुनिया में ढेरों मल्टीनेशनल कंपनियां किस्म- किस्म की ठगी कर रही है टीवी सिनेमा और भ्रामक विज्ञापनो का सहारा लेकर सैकड़ो गैर जरूरी चीज बेच रही है।हमारे खान-पान रहन-सहन सभ्यता और संस्कृति के इर्द-गिर्द एक झूठा जादू तिलस्म रच चुका है उनके जादुई संसार में सब फंसे हुए है हम देशी खान-पान पहनावा अपनी भाषा बोली सब भूलते जा रहे है।बच्चे दाल-चावल रोटी-सब्जी खाना छोड़कर मैगी पिज्जा बर्गर और कोल्ड ड्रिंक से अपना पेट भर रहे हैं हास्य व्यंग्य विनोद गीत संगीत के माध्यम से इस सामाजिक दुर्दशा पर केंद्रित है नाटक उजबक राजा तीन डकैत।मंच पर राजा की भूमिका में दविन्दर सिंह ग्रोवर ने शानदार अभिनय कर दर्शको की खूब प्रशंसा बटोरी।ठगो की भूमिका में विनय शर्मा पराग तेलंग और आत्मानंद श्रीवास्तव ने अपनी भाव भंगिमाओ और अदायगी से न सिर्फ अपनी भूमिकाओ के साथ न्याय किया अपितु नाटक को निरंतर गतिमान बनाए रखा।अन्य पात्रो में मानसी सोनी देवेन्द्र झरिया वैष्णवी बरसैया अनिल पाली अरमान गुप्ता राजवर्धन पटेल भूमिका झरिया समीर सराठे और उन्नति तिवारी ने अपने अभिनय और अदाएगी से दर्शको का मन मोह लिया l

संडे बाजार लगवाने की मांग, नगर उद्योग व्यापार मंडल ने जिला अधिकारी को दिया ज्ञापन, 500 गरीब विकलांग लगाते हैं दुकान, बाजार न लगने से भुखमरी की क


फर्रुखाबाद। नगर उद्योग व्यापार मंडल ने बुधवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर नगर मजिस्ट्रेट संजय बंसल को ज्ञापन सौंपा है जिसमें संडे बाजार लगवाने की मांग की है। नगर उद्योग व्यापार मंडल के अध्यक्ष ने कहा कि नेहरू रोड और चौक तक 500 गरीब और विकलांग बेरोजगार अपने परिवार का पालन पोषण करने के लिए फुटपाथ पर बाजार लगाते हैं और उसे बेचकर अपने परिवार का भरण पोषण करते हैं।

उन्होंने कहा कि यदि बाजार नहीं लगेगा तो इन गरीब और विकलांग परिवारों के बच्चे भुखमरी की कगार पर पहुंच जाएंगे। इसलिए संडे बाजार लगना बहुत ही जरूरी है । उन्होंने कहा कि इस बाजार में गरीब परिवारों के ज्यादा तार लोग ही बाजार में खरीदारी करने के लिए आते हैं और अगर बाजार बंद हो गया तो उनके सामने कपड़े पहनने की समस्या उत्पन्न हो जाएगी।

इनसेट
नहीं लगने देंगे बाजार
संडे बाजार को लेकर नगर मजिस्ट्रेट संजय बंसल ने नगर व्यापार मंडल के पदाधिकारी को से कहा कि संडे बाजार किसी भी हालत में नहीं लगने दिया जाएगा क्योंकि इससे रोड पर जाम लगता है छोटे बड़े वाहनों को निकलने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है इसलिए किसी भी दशा में बाजार नहीं लगने दिया जाएगा जबकि व्यापार मंडल के पदाधिकारी नगर मजिस्ट्रेट से मिन्नतें करते रहे मगर उन्होंने किसी भी व्यापारी की बात नहीं सुनी l
*वेनेज़ुएला पर अमेरिका के सैन्य हमले और राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की गिरफ़्तारी सही या गलत : एक वैश्विक विवाद - डॉ. अतुल मलिकराम (राजनीतिक रणनीति

इंदौर, 04 जनवरी 2026: वैश्विक राजनीति में एक नया, बेहद विवादास्पद तथा इतिहास बनाने वाला अध्याय जुड़ गया है। 3 जनवरी 2026 की रात अमेरिका ने दक्षिण अमेरिकी देश वेनेज़ुएला की राजधानी कराकास पर बड़े पैमाने पर सैन्य हमला किया और मात्र आधे घंटे के भीतर वेनेज़ुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो तथा उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को गिरफ़्तार कर लिया। इस ऑपरेशन ने दुनिया भर में तीखी, गहन तथा बहुआयामी बहस छेड़ दी है। एक तरफ इसे तानाशाही के खिलाफ न्याय की जीत, दमनकारी शासन के अंत तथा लोकतंत्र बहाली की दिशा में निर्णायक कदम बताया जा रहा है, तो दूसरी तरफ इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का स्पष्ट उल्लंघन, संप्रभुता पर हमला तथा साम्राज्यवादी हस्तक्षेप माना जा रहा है। प्रख्यात राजनीतिक रणनीतिकार डॉ. अतुल मलिकराम का कहना है कि “वेनेज़ुएला पर अमेरिका का हमला और मादुरो की गिरफ़्तारी एक जटिल, बहुआयामी, ऐतिहासिक तथा वैश्विक शक्ति संतुलन को प्रभावित करने वाली घटना है। यह कार्रवाई न केवल वेनेज़ुएला के भविष्य को प्रभावित करेगी, बल्कि वैश्विक शक्ति संतुलन, अंतरराष्ट्रीय कानून की विश्वसनीयता, क्षेत्रीय स्थिरता, विकासशील देशों की संप्रभुता तथा बड़े देशों की एकतरफा कार्रवाइयों पर भी गहरा, दीर्घकालिक तथा अप्रत्याशित असर डालेगी। भारत जैसे देशों को इस घटना से सतर्कता बरतने, कूटनीतिक सबक लेने तथा अपनी रक्षा, सुरक्षा तथा विदेश नीति की रणनीति को और अधिक मजबूत करने की प्रेरणा लेनी चाहिए।”


घटना का पूरा ब्यौरा बेहद चौंकाने वाला तथा फिल्मी पटकथा जैसा है। 3 जनवरी 2026 की रात कराकास में कई जोरदार धमाकों ने पूरे शहर को हिलाकर रख दिया। अमेरिकी लड़ाकू विमान तथा हेलीकॉप्टरों ने कराकास के सैन्य ठिकानों पर सटीक हमले किए। ऑपरेशन इतना तेज तथा सुनियोजित था कि वेनेज़ुएला की रक्षा प्रणाली जवाब नहीं दे सकी। अमेरिकी विशेष बलों ने राष्ट्रपति भवन में घुसकर मादुरो तथा उनकी पत्नी को गिरफ़्तार किया। मादुरो दंपती को अमेरिका ले जाकर न्यूयॉर्क के मेट्रोपॉलिटन डिटेंशन सेंटर में रखा गया है, जहां उन पर नारको-टेररिज्म, मादक पदार्थ तस्करी तथा हथियारों की तस्करी जैसे गंभीर आरोपों में मुकदमा चलेगा। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस ऑपरेशन को “सफल कार्रवाई” बताया और दावा किया कि मादुरो ड्रग तस्करी तथा नारको-टेररिज्म में शामिल थे।


इस कार्रवाई की पृष्ठभूमि कई वर्षों की है। मादुरो पर 2020 से ही अमेरिकी अदालत में आरोप थे और उनकी गिरफ़्तारी के लिए इनाम घोषित था। ट्रंप ने इसे अमेरिकी सुरक्षा के लिए जरूरी बताया। लेकिन इस कार्रवाई ने वैश्विक स्तर पर तीखी प्रतिक्रियाएं उकसाईं।

अमेरिका का कहना है कि यह कार्रवाई नारको-टेररिज्म के खिलाफ थी। ट्रंप प्रशासन का दावा है कि मादुरो तथा उनकी सरकार मादक पदार्थ तस्करी में शामिल थी। ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिका वेनेज़ुएला में स्थिरता के लिए भूमिका निभाएगा। इस दृष्टिकोण के समर्थकों का मानना है कि मादुरो का शासन दमनकारी था। वेनेज़ुएला में आर्थिक संकट, भुखमरी तथा मानवाधिकार उल्लंघनों की खबरें थीं। लाखों लोग देश छोड़कर भाग गए। समर्थकों का कहना है कि मादुरो की गिरफ़्तारी लोकतंत्र बहाली का कदम हो सकती है।

विरोधी पक्ष इस कार्रवाई को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन मानता है। संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अनुसार, किसी संप्रभु देश पर हमला तभी वैध है जब वह आत्मरक्षा में हो या संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की मंजूरी हो। विरोधी कहते हैं कि यह हमला तेल संसाधनों पर कब्जे की साजिश थी। वेनेज़ुएला के पास दुनिया के बड़े तेल भंडार हैं। इतिहास में अमेरिका के हस्तक्षेप अस्थिरता लाए हैं।

भारत ने इस घटना पर गहरी चिंता जताई और संयम व संवाद की अपील की। विदेश मंत्रालय ने कहा कि भारत संप्रभुता का सम्मान करता है।

यह कार्रवाई नैतिक रूप से जटिल है। मादुरो का शासन दमनकारी था, लेकिन अमेरिका का तरीका अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन लगता है। कानूनी मानदंड से देखें तो यह गलत प्रतीत होता है। लेकिन सुरक्षा के नजरिए से कुछ के लिए जरूरी था।

वेनेज़ुएला पर अमेरिका का हमला और मादुरो की गिरफ़्तारी एक ऐतिहासिक घटना है। यह वैश्विक शक्ति संतुलन को प्रभावित करेगी। डॉ. मलिकराम कहते हैं कि “यह घटना सतर्कता का संदेश है। भारत को अपनी रणनीति मजबूत करनी होगी।”
खेलो इंडिया बीच गेम्स ने भारतीय खेलों के क्षितिज को विस्तृत किया, प्रतिभा विकास के नए मार्ग खोले: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी

• खेलो इंडिया बीच गेम्स के दूसरे संस्करण का उद्घाटन जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश के उपराज्यपाल श्री मनोज सिन्हा ने किया

• प्रधानमंत्री मोदी ने घोघला बीच को आयोजन स्थल के रूप में चुनने के लिए आयोजकों की सराहना की

• खेलो इंडिया बीच गेम्स 2026 की रंगारंग शुरुआत, 5 से 10 जनवरी तक 2100 से अधिक प्रतिभागी लेंगे हिस्सा

*भोपाल, जनवरी 2026*: घोघला बीच पर सोमवार को खेलो इंडिया बीच गेम्स के दूसरे संस्करण की रंगारंग शुरुआत हुई। इस अवसर पर माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी का विशेष संदेश पढ़कर सुनाया गया। देशभर से आए 2100 से अधिक प्रतिभागियों की मौजूदगी वाले ये खेल 5 से 10 जनवरी तक आयोजित किए जा रहे हैं।

दीव शहर खेलो इंडिया बीच गेम्स के रंग में रंगा हुआ है। खेलों का शुभंकर ‘पर्ल’ (खुशमिजाज और ऊर्जावान डॉल्फ़िन) एथलीटों, सहयोगी स्टाफ, वॉलंटियर्स और केआईबीजी 2026 से जुड़े सभी हितधारकों का स्वागत कर रहा है।
केंद्र शासित प्रदेश दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव द्वारा आयोजित खेलो इंडिया बीच गेम्स का आयोजन भारतीय खेल प्राधिकरण और राष्ट्रीय खेल महासंघों के तकनीकी देखरेख में किया जा रहा है।

इन खेलों में 1100 से अधिक खिलाड़ी आठ खेलों—वॉलीबॉल, सॉकर, सेपक टकरॉ, कबड्डी, पेंकक सिलाट, ओपन वॉटर स्विमिंग, मल्लखंब और रस्साकशी—में प्रतिस्पर्धा कर रहे हैं। इनमें से पहले छह मैडल स्पोर्ट्स होंगे और कुल 32 स्वर्ण पदक दांव पर हैं।

खिलाड़ियों को शुभकामनाएं देते हुए और केंद्र शासित प्रदेश को केआईबीजी 2026 की मेजबानी के लिए बधाई देते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “खेलो इंडिया बीच गेम्स का भारत के खेल परिदृश्य में विशेष स्थान है। समुद्र तट और तटीय खेल शारीरिक सहनशक्ति, मानसिक दृढ़ता और लगातार बदलती परिस्थितियों में परफॉर्म करने की क्षमता की मांग करते हैं। उभरते हुए खेलों को मंच प्रदान कर ये खेल भारतीय खेलों के क्षितिज का विस्तार करते हैं और प्रतिभाओं की खोज, पहचान और उनको निखारने के लिए नए रास्ते खोलते हैं।” प्रधानमंत्री ने घोघला बीच को आयोजन स्थल के रूप में चुने जाने की सराहना करते हुए कहा, “ब्लू फ्लैग प्रमाणित घोघला बीच का चयन विशेष रूप से सराहनीय है। प्रकृति के साथ सामंजस्य में आयोजित खेल न केवल खेल उपलब्धियों को बढ़ावा देते हैं, बल्कि पर्यावरण के प्रति जागरूकता का भी सशक्त माध्यम बनते हैं। यह स्थल हमें याद दिलाता है कि उत्कृष्टता और सततता साथ-साथ आगे बढ़ती हैं।” खेलो इंडिया बीच गेम्स 2026 का औपचारिक उद्घाटन जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश के माननीय उपराज्यपाल श्री मनोज सिन्हा ने किया। इससे पहले एथलीटों की परेड और बीच गेम्स में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले चार खिलाड़ियों-डॉन रेमेडियोस (बीच फुटबॉल), पायल परमार (बीच वॉलीबॉल), अजीश पटेल और जलपा सोलंकी (दोनों रस्साकशी)-द्वारा पारंपरिक मशाल रिले आयोजित की गई। मशाल को श्री सिन्हा और दादरा एवं नगर हवेली तथा दमन और दीव एवं लक्षद्वीप के माननीय प्रशासक श्री प्रफुल्ल पटेल ने औपचारिक रूप से स्थापित किया।

श्री सिन्हा ने खेलो इंडिया बीच गेम्स के माध्यम से जम्मू-कश्मीर की उपलब्धियों पर प्रकाश डालते हुए कहा,
“मुझे यह बताते हुए अत्यंत प्रसन्नता हो रही है कि इसी घोघला बीच पर आयोजित पहले खेलो इंडिया बीच गेम्स 2025 में जम्मू-कश्मीर के खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया। पेंकक सिलाट में हमारे खिलाड़ियों ने कुल नौ पदक जीतकर प्रदेश को गौरवान्वित किया।” उन्होंने आगे कहा, “2014 से अब तक केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन ने दीव में उल्लेखनीय विकास कार्य किए हैं। इनमें आईएनएस खुकरी स्मारक का पुनर्विकास, घोघला बीच को ब्लू फ्लैग प्रमाणन, और शहरी एवं ग्रामीण बुनियादी ढांचे को मजबूत करना शामिल है। ये प्रयास सतत विकास और पर्यटन को बढ़ावा देने के प्रति प्रशासन की प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं।”

प्रधानमंत्री मोदी ने एक बार फिर खेलों की परिवर्तनकारी शक्ति को रेखांकित करते हुए कहा, “आज भारत की खेल संस्कृति में गहरा परिवर्तन देखने को मिल रहा है। संस्थागत पहुंच, जमीनी स्तर पर भागीदारी और सांस्कृतिक बदलाव पर नए सिरे से जोर दिया जा रहा है, जिससे प्रतिभाओं की पहचान और सहयोग का स्वरूप बदल रहा है। आधुनिक बुनियादी ढांचा, वैज्ञानिक प्रशिक्षण पद्धतियां और पारदर्शी प्रतियोगी मंच अब पृष्ठभूमि या भौगोलिक सीमाओं से परे युवा खिलाड़ियों तक पहुंच रहे हैं।” उन्होंने कहा, “विकसित भारत 2047 के लक्ष्य की ओर बढ़ते हुए, हमारे युवा इस यात्रा के अग्रदूत हैं। खेल हो या विज्ञान, शिक्षा हो या प्रशासन, अंतरिक्ष हो या स्टार्ट-अप-हर क्षेत्र में अवसर बढ़े हैं। इससे ऐसा पारिस्थितिकी तंत्र बन रहा है, जहां आकांक्षाओं के साथ संसाधनों तक समान पहुंच सुनिश्चित हो रही है।”

प्रधानमंत्री ने कहा कि खेलो इंडिया, सांसद खेल महोत्सव और टारगेट ओलंपिक पोडियम स्कीम (टॉप्स) जैसी पहलें भारत के एथलीटों को वैश्विक प्रतिस्पर्धाओं और दीर्घकालिक सफलता के लिए तैयार करने के तरीके को नए सिरे से परिभाषित कर रही हैं।

इससे पहले सोमवार को बीच सॉकर और बीच कबड्डी की प्रतिस्पर्धाओं की शुरुआत हुई, जहां शीर्ष टीमों ने मजबूत प्रदर्शन किया। महिला बीच सॉकर में, गत चैंपियन ओडिशा ने ग्रुप ए में महाराष्ट्र को 11-3 से हराया, जबकि ग्रुप बी में पदार्पण कर रही हिमाचल प्रदेश ने तीसरे क्वार्टर में वापसी करते हुए मेजबान दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव को 7-5 से मात दी।

बीच कबड्डी में महाराष्ट्र की पुरुष और महिला टीमों ने अपने-अपने मुकाबलों में आसान जीत दर्ज की। महिला वर्ग में महाराष्ट्र ने दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव को 64-22 से हराया, जबकि पुरुष वर्ग में महाराष्ट्र ने दिल्ली को 47-20 से पराजित किया। आज के परिणाम :

बीच कबड्डी
(महिला):
पूल ए – हरियाणा ने पंजाब को 51-23 से हराया; महाराष्ट्र ने दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव को 71-18 से हराया।
पूल बी – उत्तर प्रदेश ने हिमाचल प्रदेश को 43-35 से हराया; राजस्थान ने आंध्र प्रदेश को 64-22 से हराया।

(पुरुष):
पूल ए – हरियाणा ने आंध्र प्रदेश को 53-16 से हराया; उत्तर प्रदेश ने दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव को 55-33 से हराया।
पूल बी – राजस्थान ने उत्तराखंड को 44-36 से हराया; महाराष्ट्र ने दिल्ली को 47-20 से हराया।

बीच सॉकर (महिला):
ग्रुप ए – ओडिशा ने महाराष्ट्र को 11-3 से हराया।
ग्रुप बी – हिमाचल प्रदेश ने दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव को 7-5 से हराया।