विश्व पृथ्वी दिवस पर अथर्वन फाउंडेशन का पर्यावरण जागरूकता अभियान

प्रयागराज। विश्व पृथ्वी दिवस के अवसर पर बुधवार 22 अप्रैल 2026को अथर्वन फाउंडेशन द्वारा प्रयागराज के तीन विद्यालयों में पर्यावरण संरक्षण एवं जागरूकता को बढ़ावा देने हेतु विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस विशेष अवसर पर विद्यार्थियों को पृथ्वी के संरक्षण के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से विभिन्न रचनात्मक गतिविधियाँ आयोजित की गईं।कार्यक्रम के अंतर्गत दो विद्यालय विकर पब्लिक स्कूल एवं कैंट हाई स्कूल,न्यू कैंट प्रयागराज में गतिविधियाँ फाउंडेशन की सचिव डॉ. कंचन मिश्रा के मार्गदर्शन में संपन्न हुईं। विकर पब्लिक स्कूल में कार्यक्रम का समन्वय प्रधानाचार्य विष्णु शुक्ला, शिक्षकों एवं फाउंडेशन सदस्य समन्वयक ठाकुर स्नेहलता द्वारा किया गया।जबकि कैंट हाई स्कूल में कार्यक्रम का समन्वय प्रधानाचार्य मोहम्मद अंसार द्वारा किया गया।पूरे कार्यक्रम का संचालन उपाध्यक्ष शैलेन्द्र सिंह द्वारा किया गया और समारोह समापन ज्ञापन में कहा कि पर्यावरण हमारी अमूल्य धरोहर है अगर आज हम इसे नहीं संजोएंगे तो कल बहुत देर हो जाएगी और इसका सबसे बाद दायित्व नन्हे हाथों में है।विकर पब्लिक स्कूल में डॉ. उपमा नारायण ने विद्यार्थियों को “जल संरक्षण” विषय पर जागरूक किया, वहीं कैंट हाई स्कूल में डॉ. अल्का दास ने “स्वस्थ भोजन, स्वस्थ धरती” विषय पर महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। विद्यार्थियों द्वारा प्रकृति संरक्षण पर आधारित आकर्षक नाट्य प्रस्तुतियाँ (स्किट) भी दी गईं।दोनों विद्यालयों में पर्यावरण विषय पर ईको-फ्रेंडली आर्ट प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें प्रत्येक विद्यालय से 15 विद्यार्थियों का चयन किया गया। प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कार एवं प्रमाण पत्र प्रदान किए गए तथा अन्य प्रतिभागियों को प्रोत्साहन स्वरूप झोला, स्टेशनरी एवं अन्य सामग्री वितरित की गई।विद्यालयों के प्रधानाचार्यों ने अथर्वन फाउंडेशन का हार्दिक स्वागत करते हुए इस पहल की सराहना की और भविष्य में भी पर्यावरण संरक्षण के लिए मिलकर कार्य करने का आश्वासन दिया।इस अवसर पर दोनों विद्यालय परिसरों में दो-दो पौधों का रोपण किया गया तथा पूर्व में लगाए गए पौधों की स्थिति का निरीक्षण किया गया जो अत्यंत संतोषजनक पाई गई।कार्यक्रम में फाउंडेशन के सदस्य हेमंत कुमार, सुषमा सिंह, कल्पना जायसवाल एवं अर्चना गुप्ता सहित विद्यालयों के शिक्षकगण एवं स्टाफ उपस्थित रहे।

इसी क्रम में फाउंडेशन की तीसरी गतिविधि उपाध्यक्ष डॉ. रश्मि भार्गव एवं डॉ. समीर भार्गव के विद्यालय, जवाहर लाल भार्गव विद्यालय, बमरौली में आयोजित की गई। यहां भी पौधारोपण, जागरूकता रैली, क्विज एवं आर्ट प्रतियोगिता का आयोजन कर विद्यार्थियों को पुरस्कृत किया गया।विश्व पृथ्वी दिवस के अवसर पर अथर्वन फाउंडेशन की यह पहल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक प्रेरणादायक कदम साबित हुई, जिसने विद्यार्थियों एवं समाज में प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी का संदेश दिया।

मनरेगा श्रमिकों के लिए यूपी को ₹1789 करोड़ की पहली किस्त, जल्द होगा भुगतान
* केंद्र सरकार से मिली राशि, लंबित बकाये का भी होगा निस्तारण

लखनऊ। मनरेगा श्रमिकों के लिए उत्तर प्रदेश को बड़ी राहत मिली है। ग्रामीण विकास मंत्रालय ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के तहत महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) की पहली किस्त जारी कर दी है। इसके तहत उत्तर प्रदेश को **₹1789.79 करोड़** की धनराशि मिली है।
इस राशि में पिछले वित्तीय वर्ष 2025-26 की करीब ₹1129.55 करोड़ लंबित देनदारी भी शामिल है, जिससे पुराने बकाये का भुगतान किया जाएगा।

* श्रेणीवार जारी की गई धनराशि
मनरेगा की मूल भावना को ध्यान में रखते हुए राशि को विभिन्न श्रेणियों में विभाजित किया गया है।

* **अनुसूचित जाति (SC)** के लिए ₹536.65 करोड़
* **अनुसूचित जनजाति (ST)** के लिए ₹45.53 करोड़
* **अन्य श्रेणियों** के लिए ₹1207.60 करोड़

* समय पर भुगतान के निर्देश
उपमुख्यमंत्री **केशव प्रसाद मौर्य** ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सभी भुगतान निर्धारित गाइडलाइन के अनुसार समय से किए जाएं। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाए कि किसी भी श्रमिक को दोहरा भुगतान न हो।
उन्होंने कहा कि खर्च का प्रत्येक विवरण अनिवार्य रूप से **नरेगा सॉफ्ट पोर्टल** पर दर्ज किया जाए।

* सीधे बैंक खातों में पहुंचेगी राशि
उपमुख्यमंत्री ने निर्देश दिए हैं कि पूरी धनराशि **नेशनल इलेक्ट्रॉनिक फंड मैनेजमेंट सिस्टम (NEFMS)** के जरिए सीधे श्रमिकों के बैंक खातों में भेजी जाएगी। भुगतान केवल फंड ट्रांसफर ऑर्डर और वास्तविक खर्च के आधार पर ही किया जाएगा।

* पूरी प्रक्रिया होगी डिजिटल
आयुक्त ग्राम्य विकास विभाग **जी.एस. प्रियदर्शी** ने स्पष्ट किया कि भुगतान की पूरी प्रक्रिया डिजिटल होगी, जिससे पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जा सके।
मनरेगा श्रमिकों के लिए यूपी को ₹1789 करोड़ की पहली किस्त, जल्द होगा भुगतान
* केंद्र सरकार से मिली राशि, लंबित बकाये का भी होगा निस्तारण

लखनऊ। मनरेगा श्रमिकों के लिए उत्तर प्रदेश को बड़ी राहत मिली है। ग्रामीण विकास मंत्रालय ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के तहत महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) की पहली किस्त जारी कर दी है। इसके तहत उत्तर प्रदेश को **₹1789.79 करोड़** की धनराशि मिली है।
इस राशि में पिछले वित्तीय वर्ष 2025-26 की करीब ₹1129.55 करोड़ लंबित देनदारी भी शामिल है, जिससे पुराने बकाये का भुगतान किया जाएगा।

* श्रेणीवार जारी की गई धनराशि
मनरेगा की मूल भावना को ध्यान में रखते हुए राशि को विभिन्न श्रेणियों में विभाजित किया गया है।

* **अनुसूचित जाति (SC)** के लिए ₹536.65 करोड़
* **अनुसूचित जनजाति (ST)** के लिए ₹45.53 करोड़
* **अन्य श्रेणियों** के लिए ₹1207.60 करोड़

* समय पर भुगतान के निर्देश
उपमुख्यमंत्री **केशव प्रसाद मौर्य** ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सभी भुगतान निर्धारित गाइडलाइन के अनुसार समय से किए जाएं। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाए कि किसी भी श्रमिक को दोहरा भुगतान न हो।
उन्होंने कहा कि खर्च का प्रत्येक विवरण अनिवार्य रूप से **नरेगा सॉफ्ट पोर्टल** पर दर्ज किया जाए।

* सीधे बैंक खातों में पहुंचेगी राशि
उपमुख्यमंत्री ने निर्देश दिए हैं कि पूरी धनराशि **नेशनल इलेक्ट्रॉनिक फंड मैनेजमेंट सिस्टम (NEFMS)** के जरिए सीधे श्रमिकों के बैंक खातों में भेजी जाएगी। भुगतान केवल फंड ट्रांसफर ऑर्डर और वास्तविक खर्च के आधार पर ही किया जाएगा।

* पूरी प्रक्रिया होगी डिजिटल
आयुक्त ग्राम्य विकास विभाग **जी.एस. प्रियदर्शी** ने स्पष्ट किया कि भुगतान की पूरी प्रक्रिया डिजिटल होगी, जिससे पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जा सके।
नशा मुक्ति अभियान के तहत निबंध प्रतियोगिता आयोजित

गोंडा, 22 अप्रैल।
नशा मुक्ति अभियान के अंतर्गत श्री लाल बहादुर शास्त्री डिग्री कॉलेज में आज 'नशा जीवन की दुर्दशा' विषय पर निबंध प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में नशा-उन्मूलन के प्रति जागरूकता फैलाना और युवाओं को नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करना था।
प्रतियोगिता के शुभारंभ के अवसर पर प्रभारी प्राचार्य प्रो. जितेन्द्र सिंह ने कहा कि इस प्रकार की गतिविधियाँ विद्यार्थियों में सामाजिक चेतना जागृत करती हैं तथा उन्हें सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ने की प्रेरणा देती हैं। उन्होंने कहा कि नशा व्यक्ति, परिवार और समाज—तीनों के लिए विनाशकारी है, अतः इससे दूर रहना अत्यंत आवश्यक है।
इस प्रतियोगिता में महाविद्यालय की विभिन्न कक्षाओं के कुल 13 छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। प्रतियोगिता का मूल्यांकन प्रो. शशिबाला (विभागाध्यक्ष, समाजशास्त्र) एवं डॉ. ओम प्रकाश यादव (विभागाध्यक्ष, शिक्षा शास्त्र) द्वारा किया गया।
परिणामों में बी.ए. छठे सेमेस्टर की छात्रा दीप्ति ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। द्वितीय स्थान संयुक्त रूप से यशस्वी सिंह (बी.ए. द्वितीय सेमेस्टर) एवं नुशरत फातिमा (बी.ए. चतुर्थ सेमेस्टर) को मिला, जबकि वैष्णवी कसौधन (बी.ए. द्वितीय सेमेस्टर) ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
कार्यक्रम का संयोजन डॉ. ममता शुक्ला, असिस्टेंट प्रोफेसर, मनोविज्ञान विभाग द्वारा किया गया। अंत में सभी प्रतिभागियों को बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई।
भारत निभा सकता है अमेरिका-ईरान युद्धविराम में अहम भूमिका…”राजनाथ सिंह का चौंकाने वाला बयान

#rajnathsinghingermanyindiaroleinwestasia_peace

अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे युद्ध को रुकवाने में पाकिस्तान मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है, जिसको लेकर भारत में काफी सवाल उठ रहे हैं। इस बीच भारत के रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने चौंकाने वाला बयान दिया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने हमेशा संतुलित और समझदारी भरी विदेश नीति अपनाई है। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि भविष्य में भारत वैश्विक संघर्षों को सुलझाने में बड़ी भूमिका निभा सकता है, जिसमें पश्चिम एशिया का संकट भी शामिल है।

हम संभावना से इनकार नहीं कर सकते-राजनाथ सिंह

पहली बार जर्मनी के दौरे पर गए भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से पूछा गया कि पश्चिम एशिया संकट में शांति कायम करने में भारत की कोई भूमिका है या नहीं? इसपर उन्होंने कहा, "भारत ने अपनी तरफ से कोशिश की, लेकिन हर चीज का सही समय होता है। हो सकता है कल ऐसा समय आए जब भारत इसमें अपनी भूमिका निभाए और सफल हो। हम संभावना से इनकार नहीं कर सकते। प्रधानमंत्री ने दोनों पक्षों से शांति की अपील की है और कूटनीतिक मामलों में प्रधानमंत्री का दृष्टिकोण संतुलित है।"

भारत का रुख किसी एक पक्ष के खिलाफ नहीं-राजनाथ सिंह

बर्लिन स्थित भारतीय दूतावास में भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए राजनाथ सिंह ने कहा प्रधानमंत्री मोदी ने रूस-यूक्रेन संघर्ष और अन्य अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर भी कई देशों के नेताओं से सीधे बातचीत की है। उन्होंने बताया कि जब प्रधानमंत्री ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, यूक्रेन के राष्ट्रपति और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात की, तब भी शांति और समाधान पर चर्चा की गई। रक्षा मंत्री ने वैश्विक राजनीति में भारत की स्थिति को मजबूत बताते हुए कहा कि भारत का रुख किसी एक पक्ष के खिलाफ नहीं है। यही कारण है कि न तो अमेरिका भारत को दुश्मन मानता है और न ही ईरान।

भारत सरकार की कूटनीति को सराहा

उन्होंने भारत की कूटनीति की सराहना करते हुए कहा कि इसी संतुलित नीति की वजह से भारत के जहाज होर्मुज जलडमरूमध्य से सुरक्षित गुजर पाए, जबकि उस समय कई देशों के जहाजों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।

पाकिस्तान की मध्यस्थता से उठ रहे सवाल

राजनाथ सिंह का यह बयान ऐसे समय पर आया है, जब पाकिस्तान अमेरिका-ईरान के बीच समझौता कराने के लिए दूसरे दौर की वार्ता आयोजित करने जा रहा है। प्रमुख विपक्षी पार्टी कांग्रेस सवाल उठा रही है कि प्रधानमंत्री मोदी राष्ट्रपति ट्रंप और इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के साथ अच्छे रिश्ते बताते हैं, लेकिन मध्यस्थता का मौका पाकिस्तान को मिल रहा है। यह मुद्दा तब और गरमा गया, जब विदेश मंत्री एस जयशंकर ने पाकिस्तान को मध्यस्थता वाला 'दलाल' कहा था।

नारी शक्ति के अपमान पर भड़कीं महिलाएं, विपक्षी दलों का पुतला फूंक जताया विरोध*
सुलतानपुर। नारी शक्ति वन्दन अधिनियम का विरोध करने वाले विपक्षी दलों के खिलाफ नगर क्षेत्र की महिलाओं में भारी रोष देखने को मिला। भाजपा जिला उपाध्यक्ष व भाजयुमो ज़िलाध्यक्ष चन्दन नारायण सिंह के नेतृत्व में बुधवार को मातृशक्ति ने एकजुट होकर नगर में विशाल पदयात्रा निकाली और विरोध प्रदर्शन करते हुए विपक्षी दलों का तिकोनिया पार्क पर पुतला दहन किया।
विपक्ष की मानसिकता पर उठाए सवाल
पदयात्रा के दौरान महिलाओं ने विपक्षी दलों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारी महिलाओं का कहना था कि केंद्र सरकार द्वारा लाया गया नारी शक्ति वन्दन अधिनियम महिलाओं को राजनीति में उचित भागीदारी और सम्मान दिलाने वाला ऐतिहासिक कदम है। लेकिन, कुछ राजनीतिक दल अपनी संकुचित मानसिकता के कारण इस महिला हितैषी कानून का विरोध कर रहे हैं, जिसे देश की आधी आबादी कतई बर्दाश्त नहीं करेगी।
पदयात्रा से दिया एकता का संदेश
भाजयुमो के जिला पदाधिकारियों की देख रेख में नगर के प्रमुख मार्गों से गुजरी इस पदयात्रा में बड़ी संख्या में माताओं बहनों और छात्राओं ने हिस्सा लिया। हाथों में तख्तियां लिए महिलाओं ने समाज को यह संदेश दिया कि अब महिलाएं अपने अधिकारों के प्रति सजग हैं। पदयात्रा के समापन पर विपक्षी दलों का पुतला दहन कर अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया गया।
प्रमुख उपस्थिति
इस अवसर पर डॉ प्रीति प्रकाश ,रचना अग्रवाल,रेखा निषाद ,कोकिला तिवारी ,सरला द्विवेदी ,भावना राय ,रेनू सिंह ,मंजू तिवारी,विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी गौरव मौर्य,सचिन पांडेय,सुधांशु सिंह,शानू सिंह,शुभेन्द्र वीर,प्रिंस और महाविद्यालयों की छात्राएँ भी उपस्थित रहीं। सभी ने एक स्वर में कहा कि महिलाओं के राजनीतिक सशक्तिकरण की राह में रोड़ा अटकाने वाले दलों को आने वाले समय में जनता कड़ा सबक सिखाएगी।
मिर्जापुर: गैस एजेंसी की लापरवाही से उपभोक्ता परेशान, 20–25 दिन बाद भी नहीं हो रही डिलीवरी
मिर्जापुर। विंध्याचल स्थित आधुनिक गैस एजेंसी के उपभोक्ता इन दिनों भारी परेशानी का सामना कर रहे हैं। उपभोक्ताओं का आरोप है कि गैस बुकिंग के 20 से 25 दिन बीत जाने के बाद भी सिलेंडर की होम डिलीवरी नहीं की जा रही है।
बताया जाता है कि पूर्व में यह एजेंसी परमार गैस एजेंसी के नाम से संचालित होती थी, जिसे बाद में आधुनिक एजेंसी में मर्ज कर दिया गया। मर्जर के बाद शहर के बड़ी संख्या में कनेक्शन इसी एजेंसी में स्थानांतरित हो गए, जिसके चलते वितरण व्यवस्था चरमरा गई है।
उपभोक्ताओं का कहना है कि एजेंसी पर संपर्क करने पर उन्हें गोदाम से स्वयं सिलेंडर ले जाने की बात कही जाती है, जबकि जिला प्रशासन की ओर से स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि घरेलू गैस सिलेंडर की होम डिलीवरी सुनिश्चित की जाए। इसके बावजूद एजेंसी प्रशासनिक निर्देशों की अनदेखी कर रही है।
स्थानीय लोगों का यह भी आरोप है कि जिला पूर्ति अधिकारी द्वारा इस संबंध में अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है, जिससे एजेंसी के मनोबल बढ़े हुए हैं और उपभोक्ताओं की समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं।
उपभोक्ताओं ने जिला प्रशासन से मांग की है कि मामले की जांच कर एजेंसी के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए और समयबद्ध होम डिलीवरी सुनिश्चित कराई जाए।
मिर्जापुर: गैस एजेंसी की लापरवाही से उपभोक्ता परेशान, 20–25 दिन बाद भी नहीं हो रही डिलीवरी
मिर्जापुर। विंध्याचल स्थित आधुनिक गैस एजेंसी के उपभोक्ता इन दिनों भारी परेशानी का सामना कर रहे हैं। उपभोक्ताओं का आरोप है कि गैस बुकिंग के 20 से 25 दिन बीत जाने के बाद भी सिलेंडर की होम डिलीवरी नहीं की जा रही है।
बताया जाता है कि पूर्व में यह एजेंसी परमार गैस एजेंसी के नाम से संचालित होती थी, जिसे बाद में आधुनिक एजेंसी में मर्ज कर दिया गया। मर्जर के बाद शहर के बड़ी संख्या में कनेक्शन इसी एजेंसी में स्थानांतरित हो गए, जिसके चलते वितरण व्यवस्था चरमरा गई है।
उपभोक्ताओं का कहना है कि एजेंसी पर संपर्क करने पर उन्हें गोदाम से स्वयं सिलेंडर ले जाने की बात कही जाती है, जबकि जिला प्रशासन की ओर से स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि घरेलू गैस सिलेंडर की होम डिलीवरी सुनिश्चित की जाए। इसके बावजूद एजेंसी प्रशासनिक निर्देशों की अनदेखी कर रही है।
स्थानीय लोगों का यह भी आरोप है कि जिला पूर्ति अधिकारी द्वारा इस संबंध में अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है, जिससे एजेंसी के मनोबल बढ़े हुए हैं और उपभोक्ताओं की समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं।
उपभोक्ताओं ने जिला प्रशासन से मांग की है कि मामले की जांच कर एजेंसी के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए और समयबद्ध होम डिलीवरी सुनिश्चित कराई जाए।
अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार दंपति की मौत,

रितेश मिश्रा
, हरदोई। पचदेवरा थाना क्षेत्र में मंगलवार सुबह गंगा एक्सप्रेसवे की सर्विस लेन पर सेढामऊ अंडरपास के निकट दर्दनाक सड़क हादसे में बाइक सवार दंपति की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद तीन माह की मासूम बच्ची अपने माता-पिता के शवों के पास रोती-बिलखती मिली, जिसे देखकर मौके पर पहुंचे ग्रामीणों की आंखें नम हो गईं।बताया गया कि मंगलवार सुबह खेतों की ओर गए ग्रामीणों की नजर सड़क किनारे क्षतिग्रस्त बाइक, दंपति के शव और पास में रो रही मासूम बच्ची पर पड़ी। ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पचदेवरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल पर लोगों की भारी भीड़ जुट गई। ग्रामीणों के अनुसार अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार सियाराम (22) पुत्र सुभाष और उनकी पत्नी नीलम (20) निवासी ग्राम गहवरा थाना पाली की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे की खबर मिलते ही क्षेत्र में हड़कंप मच गया। सूचना पर पहुंचे परिजनों में कोहराम मच गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। बताया गया कि दंपति की शादी करीब दो वर्ष पूर्व हुई थी और उनकी तीन माह की एक मासूम बच्ची है। सियाराम ग्राम गहवरा में अपनी ननिहाल में रहता था, जबकि वह मूल रूप से नथीनगला थाना कलान जनपद शाहजहांपुर का निवासी था। परिजन बताते हैं कि दंपति पारिवारिक बहन की शादी में शामिल होकर नथीनगला गांव से वापस लौट रहे थे, तभी रास्ते में यह दर्दनाक हादसा हो गया। सियाराम तीन भाइयों में दूसरे नंबर का था।हादसे के बाद मासूम बच्ची सुरक्षित मिली, जिसे परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को भेजने की तैयारी कर रही है। पुलिस ने अज्ञात वाहन तलाश एवं मामले की जांच शुरू कर दी है।
महिला बिल पर कांग्रेस सहित विपक्षियों ने दिया ओछी राजनीति का परिचय: आदित्य साहू

महिला आरक्षण बिल सहित अन्य ज्वलंत मुद्दों को लेकर आगामी 25 अप्रैल को रांची में आयोजित होने वाले आक्रोश मार्च की तैयारी को लेकर भाजपा ने पूरी तरह कमर कस ली है। इस कार्यक्रम की तैयारी में भाजपा कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती है, युद्ध स्तर पर इसकी तैयारियों में पार्टी जुटी हुई है।

इसी निमित्त आज भाजपा द्वारा रांची में दो स्थानों पर बैठक आयोजित कर इसकी तैयारियों की समीक्षा की गई। रांची महानगर एवं विभिन्न मंडलों के पदाधिकारियों की एक महत्वपूर्ण बैठक प्रदेश कार्यालय में संपन्न हुई। जबकि दूसरी बैठक प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू के कुच्चू स्थित पैतृक आवास में रांची पश्चिमी जिला एवं मंडल के पदाधिकारियों की हुई।

प्रदेश कार्यालय में आयोजित बैठक में मुख्य रूप से प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू, संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह मुख्य रूप से मौजूद थे। इस बैठक की अध्यक्षता महानगर अध्यक्ष वरुण साहू ने की। इस दौरान आक्रोश मार्च को सफल बनाने हेतु संगठनात्मक तैयारियों एवं कार्ययोजना पर विस्तृत चर्चा हुई।

प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने कहा कि महिला आरक्षण बिल पर कांग्रेस सहित उनकी सहयोगी पार्टियों ने ओछी राजनीति का परिचय दिया है। ये दल महिलाओं के नाम पर केवल राजनीतिक रोटी सेंकने का काम करते रहे हैं। आज जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महिलाओं को संवैधानिक और राजनीतिक रूप से भागीदारी बढ़ाने की दिशा में ठोस कदम उठाया तो इन दलों ने अपने राजनीतिक स्वभाव का परिचय देते हुए एक गौरवशाली अवसर से महिलाओं को वंचित करने का काम किया। इस पाप के लिए देश और देश की महिलाएं इन दलों को कभी माफ करने वाली नहीं है। आज पूरा देश आक्रोशित है। झारखंड में भी महिलाओं और आम लोगों में भारी उबाल है। इसी मद्देनजर 25 अप्रैल को आक्रोश मार्च का आयोजन किया गया है। वहीं 25 से 30 अप्रैल तक राज्य के 595 मंडलों में पदयात्रा कर कांग्रेस का पुतला दहन किया जाएगा। कांग्रेस सहित विपक्षियों के खिलाफ किस कदर आक्रोश व्याप्त है, इसका नजारा पार्टी के कार्यक्रमों के दौरान सड़कों पर विपक्षी दलों को दिख जाएगा।

वहीं प्रदेश अध्यक्ष ने पंडरा ओपी थाना क्षेत्र में हुई दिनदहाड़े गोलीबारी की घटना में भार्गव सिंह नामक जमीन कारोबारी की मौत की घटना को लेकर राज्य की ध्वस्त कानून व्यवस्था पर भी हेमंत सरकार को घेरा है। कहा कि हर घटना के बाद प्रशासन का मूकदर्शक बने रहना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। झारखंड की वर्तमान स्थिति अत्यंत चिंताजनक होती जा रही है। दिन-दहाड़े हत्याएं हो रही हैं और आए दिन माताओं-बहनों की अस्मिता लूटी जा रही है। आखिर हेमंत सरकार क्या कर रही है? प्रदेश की जनता भय और असुरक्षा के माहौल में जीने को मजबूर है। आखिर इस राज्य का भविष्य क्या होगा यदि अपराधियों के मन में कानून का कोई भय ही न रहे? उन्होंने मुख्यमंत्री से दोषियों को अविलंब गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध कड़ी से कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करने की बात कही।

मौके पर संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साफ संदेश दिया है कि उनके रहते नारी शक्ति के उदय को कोई ताकत नहीं रोक सकती। मोदी सरकार महिलाओं के आरक्षण के मार्ग में आने वाली हर बाधा को दूर करेगी। हां, इस दौरान कांग्रेस और उनके सहयोगी दलों का चाल, चरित्र और चेहरा एक बार फिर जरूर बेनकाब हो चुका है। देवी स्वरूप महिलाओं का रास्ता रोकने वाले इन दलों को इसका भारी खामियाजा भुगतना होगा। झारखंड सहित पूरे देश में महिलाएं आक्रोशित हैं।

इस दौरान बैठक में मुख्य सचेतक नवीन जायसवाल, प्रदेश उपाध्यक्ष भानु प्रताप शाही, रांची महानगर अध्यक्ष वरुण साहू सहित अन्य पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

कुच्चू में रांची पश्चिमी जिला एवं मंडल के पदाधिकारियों की हुई बैठक

वहीं आक्रोश मार्च को लेकर प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू के पैतृक आवास, कुच्चू में रांची पश्चिमी जिला एवं मंडल के पदाधिकारियों की भी एक महत्वपूर्ण तैयारी बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता रांची पश्चिमी जिला अध्यक्ष नरेंद्र सिंह ने की। जबकि मुख्य रूप से उपस्थित प्रदेश अध्यक्ष ने सारी तैयारियों का जायजा लिया और आवश्यक दिशा निर्देश दिया। उन्होंने उपस्थित नेताओं और कार्यकर्ताओं से इस आक्रोश मार्च में अधिक से अधिक महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। इस अवसर पर अन्य पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

विश्व पृथ्वी दिवस पर अथर्वन फाउंडेशन का पर्यावरण जागरूकता अभियान

प्रयागराज। विश्व पृथ्वी दिवस के अवसर पर बुधवार 22 अप्रैल 2026को अथर्वन फाउंडेशन द्वारा प्रयागराज के तीन विद्यालयों में पर्यावरण संरक्षण एवं जागरूकता को बढ़ावा देने हेतु विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस विशेष अवसर पर विद्यार्थियों को पृथ्वी के संरक्षण के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से विभिन्न रचनात्मक गतिविधियाँ आयोजित की गईं।कार्यक्रम के अंतर्गत दो विद्यालय विकर पब्लिक स्कूल एवं कैंट हाई स्कूल,न्यू कैंट प्रयागराज में गतिविधियाँ फाउंडेशन की सचिव डॉ. कंचन मिश्रा के मार्गदर्शन में संपन्न हुईं। विकर पब्लिक स्कूल में कार्यक्रम का समन्वय प्रधानाचार्य विष्णु शुक्ला, शिक्षकों एवं फाउंडेशन सदस्य समन्वयक ठाकुर स्नेहलता द्वारा किया गया।जबकि कैंट हाई स्कूल में कार्यक्रम का समन्वय प्रधानाचार्य मोहम्मद अंसार द्वारा किया गया।पूरे कार्यक्रम का संचालन उपाध्यक्ष शैलेन्द्र सिंह द्वारा किया गया और समारोह समापन ज्ञापन में कहा कि पर्यावरण हमारी अमूल्य धरोहर है अगर आज हम इसे नहीं संजोएंगे तो कल बहुत देर हो जाएगी और इसका सबसे बाद दायित्व नन्हे हाथों में है।विकर पब्लिक स्कूल में डॉ. उपमा नारायण ने विद्यार्थियों को “जल संरक्षण” विषय पर जागरूक किया, वहीं कैंट हाई स्कूल में डॉ. अल्का दास ने “स्वस्थ भोजन, स्वस्थ धरती” विषय पर महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। विद्यार्थियों द्वारा प्रकृति संरक्षण पर आधारित आकर्षक नाट्य प्रस्तुतियाँ (स्किट) भी दी गईं।दोनों विद्यालयों में पर्यावरण विषय पर ईको-फ्रेंडली आर्ट प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें प्रत्येक विद्यालय से 15 विद्यार्थियों का चयन किया गया। प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कार एवं प्रमाण पत्र प्रदान किए गए तथा अन्य प्रतिभागियों को प्रोत्साहन स्वरूप झोला, स्टेशनरी एवं अन्य सामग्री वितरित की गई।विद्यालयों के प्रधानाचार्यों ने अथर्वन फाउंडेशन का हार्दिक स्वागत करते हुए इस पहल की सराहना की और भविष्य में भी पर्यावरण संरक्षण के लिए मिलकर कार्य करने का आश्वासन दिया।इस अवसर पर दोनों विद्यालय परिसरों में दो-दो पौधों का रोपण किया गया तथा पूर्व में लगाए गए पौधों की स्थिति का निरीक्षण किया गया जो अत्यंत संतोषजनक पाई गई।कार्यक्रम में फाउंडेशन के सदस्य हेमंत कुमार, सुषमा सिंह, कल्पना जायसवाल एवं अर्चना गुप्ता सहित विद्यालयों के शिक्षकगण एवं स्टाफ उपस्थित रहे।

इसी क्रम में फाउंडेशन की तीसरी गतिविधि उपाध्यक्ष डॉ. रश्मि भार्गव एवं डॉ. समीर भार्गव के विद्यालय, जवाहर लाल भार्गव विद्यालय, बमरौली में आयोजित की गई। यहां भी पौधारोपण, जागरूकता रैली, क्विज एवं आर्ट प्रतियोगिता का आयोजन कर विद्यार्थियों को पुरस्कृत किया गया।विश्व पृथ्वी दिवस के अवसर पर अथर्वन फाउंडेशन की यह पहल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक प्रेरणादायक कदम साबित हुई, जिसने विद्यार्थियों एवं समाज में प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी का संदेश दिया।

मनरेगा श्रमिकों के लिए यूपी को ₹1789 करोड़ की पहली किस्त, जल्द होगा भुगतान
* केंद्र सरकार से मिली राशि, लंबित बकाये का भी होगा निस्तारण

लखनऊ। मनरेगा श्रमिकों के लिए उत्तर प्रदेश को बड़ी राहत मिली है। ग्रामीण विकास मंत्रालय ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के तहत महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) की पहली किस्त जारी कर दी है। इसके तहत उत्तर प्रदेश को **₹1789.79 करोड़** की धनराशि मिली है।
इस राशि में पिछले वित्तीय वर्ष 2025-26 की करीब ₹1129.55 करोड़ लंबित देनदारी भी शामिल है, जिससे पुराने बकाये का भुगतान किया जाएगा।

* श्रेणीवार जारी की गई धनराशि
मनरेगा की मूल भावना को ध्यान में रखते हुए राशि को विभिन्न श्रेणियों में विभाजित किया गया है।

* **अनुसूचित जाति (SC)** के लिए ₹536.65 करोड़
* **अनुसूचित जनजाति (ST)** के लिए ₹45.53 करोड़
* **अन्य श्रेणियों** के लिए ₹1207.60 करोड़

* समय पर भुगतान के निर्देश
उपमुख्यमंत्री **केशव प्रसाद मौर्य** ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सभी भुगतान निर्धारित गाइडलाइन के अनुसार समय से किए जाएं। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाए कि किसी भी श्रमिक को दोहरा भुगतान न हो।
उन्होंने कहा कि खर्च का प्रत्येक विवरण अनिवार्य रूप से **नरेगा सॉफ्ट पोर्टल** पर दर्ज किया जाए।

* सीधे बैंक खातों में पहुंचेगी राशि
उपमुख्यमंत्री ने निर्देश दिए हैं कि पूरी धनराशि **नेशनल इलेक्ट्रॉनिक फंड मैनेजमेंट सिस्टम (NEFMS)** के जरिए सीधे श्रमिकों के बैंक खातों में भेजी जाएगी। भुगतान केवल फंड ट्रांसफर ऑर्डर और वास्तविक खर्च के आधार पर ही किया जाएगा।

* पूरी प्रक्रिया होगी डिजिटल
आयुक्त ग्राम्य विकास विभाग **जी.एस. प्रियदर्शी** ने स्पष्ट किया कि भुगतान की पूरी प्रक्रिया डिजिटल होगी, जिससे पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जा सके।
मनरेगा श्रमिकों के लिए यूपी को ₹1789 करोड़ की पहली किस्त, जल्द होगा भुगतान
* केंद्र सरकार से मिली राशि, लंबित बकाये का भी होगा निस्तारण

लखनऊ। मनरेगा श्रमिकों के लिए उत्तर प्रदेश को बड़ी राहत मिली है। ग्रामीण विकास मंत्रालय ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के तहत महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) की पहली किस्त जारी कर दी है। इसके तहत उत्तर प्रदेश को **₹1789.79 करोड़** की धनराशि मिली है।
इस राशि में पिछले वित्तीय वर्ष 2025-26 की करीब ₹1129.55 करोड़ लंबित देनदारी भी शामिल है, जिससे पुराने बकाये का भुगतान किया जाएगा।

* श्रेणीवार जारी की गई धनराशि
मनरेगा की मूल भावना को ध्यान में रखते हुए राशि को विभिन्न श्रेणियों में विभाजित किया गया है।

* **अनुसूचित जाति (SC)** के लिए ₹536.65 करोड़
* **अनुसूचित जनजाति (ST)** के लिए ₹45.53 करोड़
* **अन्य श्रेणियों** के लिए ₹1207.60 करोड़

* समय पर भुगतान के निर्देश
उपमुख्यमंत्री **केशव प्रसाद मौर्य** ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सभी भुगतान निर्धारित गाइडलाइन के अनुसार समय से किए जाएं। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाए कि किसी भी श्रमिक को दोहरा भुगतान न हो।
उन्होंने कहा कि खर्च का प्रत्येक विवरण अनिवार्य रूप से **नरेगा सॉफ्ट पोर्टल** पर दर्ज किया जाए।

* सीधे बैंक खातों में पहुंचेगी राशि
उपमुख्यमंत्री ने निर्देश दिए हैं कि पूरी धनराशि **नेशनल इलेक्ट्रॉनिक फंड मैनेजमेंट सिस्टम (NEFMS)** के जरिए सीधे श्रमिकों के बैंक खातों में भेजी जाएगी। भुगतान केवल फंड ट्रांसफर ऑर्डर और वास्तविक खर्च के आधार पर ही किया जाएगा।

* पूरी प्रक्रिया होगी डिजिटल
आयुक्त ग्राम्य विकास विभाग **जी.एस. प्रियदर्शी** ने स्पष्ट किया कि भुगतान की पूरी प्रक्रिया डिजिटल होगी, जिससे पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जा सके।
नशा मुक्ति अभियान के तहत निबंध प्रतियोगिता आयोजित

गोंडा, 22 अप्रैल।
नशा मुक्ति अभियान के अंतर्गत श्री लाल बहादुर शास्त्री डिग्री कॉलेज में आज 'नशा जीवन की दुर्दशा' विषय पर निबंध प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में नशा-उन्मूलन के प्रति जागरूकता फैलाना और युवाओं को नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करना था।
प्रतियोगिता के शुभारंभ के अवसर पर प्रभारी प्राचार्य प्रो. जितेन्द्र सिंह ने कहा कि इस प्रकार की गतिविधियाँ विद्यार्थियों में सामाजिक चेतना जागृत करती हैं तथा उन्हें सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ने की प्रेरणा देती हैं। उन्होंने कहा कि नशा व्यक्ति, परिवार और समाज—तीनों के लिए विनाशकारी है, अतः इससे दूर रहना अत्यंत आवश्यक है।
इस प्रतियोगिता में महाविद्यालय की विभिन्न कक्षाओं के कुल 13 छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। प्रतियोगिता का मूल्यांकन प्रो. शशिबाला (विभागाध्यक्ष, समाजशास्त्र) एवं डॉ. ओम प्रकाश यादव (विभागाध्यक्ष, शिक्षा शास्त्र) द्वारा किया गया।
परिणामों में बी.ए. छठे सेमेस्टर की छात्रा दीप्ति ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। द्वितीय स्थान संयुक्त रूप से यशस्वी सिंह (बी.ए. द्वितीय सेमेस्टर) एवं नुशरत फातिमा (बी.ए. चतुर्थ सेमेस्टर) को मिला, जबकि वैष्णवी कसौधन (बी.ए. द्वितीय सेमेस्टर) ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
कार्यक्रम का संयोजन डॉ. ममता शुक्ला, असिस्टेंट प्रोफेसर, मनोविज्ञान विभाग द्वारा किया गया। अंत में सभी प्रतिभागियों को बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई।
भारत निभा सकता है अमेरिका-ईरान युद्धविराम में अहम भूमिका…”राजनाथ सिंह का चौंकाने वाला बयान

#rajnathsinghingermanyindiaroleinwestasia_peace

अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे युद्ध को रुकवाने में पाकिस्तान मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है, जिसको लेकर भारत में काफी सवाल उठ रहे हैं। इस बीच भारत के रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने चौंकाने वाला बयान दिया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने हमेशा संतुलित और समझदारी भरी विदेश नीति अपनाई है। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि भविष्य में भारत वैश्विक संघर्षों को सुलझाने में बड़ी भूमिका निभा सकता है, जिसमें पश्चिम एशिया का संकट भी शामिल है।

हम संभावना से इनकार नहीं कर सकते-राजनाथ सिंह

पहली बार जर्मनी के दौरे पर गए भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से पूछा गया कि पश्चिम एशिया संकट में शांति कायम करने में भारत की कोई भूमिका है या नहीं? इसपर उन्होंने कहा, "भारत ने अपनी तरफ से कोशिश की, लेकिन हर चीज का सही समय होता है। हो सकता है कल ऐसा समय आए जब भारत इसमें अपनी भूमिका निभाए और सफल हो। हम संभावना से इनकार नहीं कर सकते। प्रधानमंत्री ने दोनों पक्षों से शांति की अपील की है और कूटनीतिक मामलों में प्रधानमंत्री का दृष्टिकोण संतुलित है।"

भारत का रुख किसी एक पक्ष के खिलाफ नहीं-राजनाथ सिंह

बर्लिन स्थित भारतीय दूतावास में भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए राजनाथ सिंह ने कहा प्रधानमंत्री मोदी ने रूस-यूक्रेन संघर्ष और अन्य अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर भी कई देशों के नेताओं से सीधे बातचीत की है। उन्होंने बताया कि जब प्रधानमंत्री ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, यूक्रेन के राष्ट्रपति और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात की, तब भी शांति और समाधान पर चर्चा की गई। रक्षा मंत्री ने वैश्विक राजनीति में भारत की स्थिति को मजबूत बताते हुए कहा कि भारत का रुख किसी एक पक्ष के खिलाफ नहीं है। यही कारण है कि न तो अमेरिका भारत को दुश्मन मानता है और न ही ईरान।

भारत सरकार की कूटनीति को सराहा

उन्होंने भारत की कूटनीति की सराहना करते हुए कहा कि इसी संतुलित नीति की वजह से भारत के जहाज होर्मुज जलडमरूमध्य से सुरक्षित गुजर पाए, जबकि उस समय कई देशों के जहाजों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।

पाकिस्तान की मध्यस्थता से उठ रहे सवाल

राजनाथ सिंह का यह बयान ऐसे समय पर आया है, जब पाकिस्तान अमेरिका-ईरान के बीच समझौता कराने के लिए दूसरे दौर की वार्ता आयोजित करने जा रहा है। प्रमुख विपक्षी पार्टी कांग्रेस सवाल उठा रही है कि प्रधानमंत्री मोदी राष्ट्रपति ट्रंप और इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के साथ अच्छे रिश्ते बताते हैं, लेकिन मध्यस्थता का मौका पाकिस्तान को मिल रहा है। यह मुद्दा तब और गरमा गया, जब विदेश मंत्री एस जयशंकर ने पाकिस्तान को मध्यस्थता वाला 'दलाल' कहा था।

नारी शक्ति के अपमान पर भड़कीं महिलाएं, विपक्षी दलों का पुतला फूंक जताया विरोध*
सुलतानपुर। नारी शक्ति वन्दन अधिनियम का विरोध करने वाले विपक्षी दलों के खिलाफ नगर क्षेत्र की महिलाओं में भारी रोष देखने को मिला। भाजपा जिला उपाध्यक्ष व भाजयुमो ज़िलाध्यक्ष चन्दन नारायण सिंह के नेतृत्व में बुधवार को मातृशक्ति ने एकजुट होकर नगर में विशाल पदयात्रा निकाली और विरोध प्रदर्शन करते हुए विपक्षी दलों का तिकोनिया पार्क पर पुतला दहन किया।
विपक्ष की मानसिकता पर उठाए सवाल
पदयात्रा के दौरान महिलाओं ने विपक्षी दलों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारी महिलाओं का कहना था कि केंद्र सरकार द्वारा लाया गया नारी शक्ति वन्दन अधिनियम महिलाओं को राजनीति में उचित भागीदारी और सम्मान दिलाने वाला ऐतिहासिक कदम है। लेकिन, कुछ राजनीतिक दल अपनी संकुचित मानसिकता के कारण इस महिला हितैषी कानून का विरोध कर रहे हैं, जिसे देश की आधी आबादी कतई बर्दाश्त नहीं करेगी।
पदयात्रा से दिया एकता का संदेश
भाजयुमो के जिला पदाधिकारियों की देख रेख में नगर के प्रमुख मार्गों से गुजरी इस पदयात्रा में बड़ी संख्या में माताओं बहनों और छात्राओं ने हिस्सा लिया। हाथों में तख्तियां लिए महिलाओं ने समाज को यह संदेश दिया कि अब महिलाएं अपने अधिकारों के प्रति सजग हैं। पदयात्रा के समापन पर विपक्षी दलों का पुतला दहन कर अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया गया।
प्रमुख उपस्थिति
इस अवसर पर डॉ प्रीति प्रकाश ,रचना अग्रवाल,रेखा निषाद ,कोकिला तिवारी ,सरला द्विवेदी ,भावना राय ,रेनू सिंह ,मंजू तिवारी,विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी गौरव मौर्य,सचिन पांडेय,सुधांशु सिंह,शानू सिंह,शुभेन्द्र वीर,प्रिंस और महाविद्यालयों की छात्राएँ भी उपस्थित रहीं। सभी ने एक स्वर में कहा कि महिलाओं के राजनीतिक सशक्तिकरण की राह में रोड़ा अटकाने वाले दलों को आने वाले समय में जनता कड़ा सबक सिखाएगी।
मिर्जापुर: गैस एजेंसी की लापरवाही से उपभोक्ता परेशान, 20–25 दिन बाद भी नहीं हो रही डिलीवरी
मिर्जापुर। विंध्याचल स्थित आधुनिक गैस एजेंसी के उपभोक्ता इन दिनों भारी परेशानी का सामना कर रहे हैं। उपभोक्ताओं का आरोप है कि गैस बुकिंग के 20 से 25 दिन बीत जाने के बाद भी सिलेंडर की होम डिलीवरी नहीं की जा रही है।
बताया जाता है कि पूर्व में यह एजेंसी परमार गैस एजेंसी के नाम से संचालित होती थी, जिसे बाद में आधुनिक एजेंसी में मर्ज कर दिया गया। मर्जर के बाद शहर के बड़ी संख्या में कनेक्शन इसी एजेंसी में स्थानांतरित हो गए, जिसके चलते वितरण व्यवस्था चरमरा गई है।
उपभोक्ताओं का कहना है कि एजेंसी पर संपर्क करने पर उन्हें गोदाम से स्वयं सिलेंडर ले जाने की बात कही जाती है, जबकि जिला प्रशासन की ओर से स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि घरेलू गैस सिलेंडर की होम डिलीवरी सुनिश्चित की जाए। इसके बावजूद एजेंसी प्रशासनिक निर्देशों की अनदेखी कर रही है।
स्थानीय लोगों का यह भी आरोप है कि जिला पूर्ति अधिकारी द्वारा इस संबंध में अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है, जिससे एजेंसी के मनोबल बढ़े हुए हैं और उपभोक्ताओं की समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं।
उपभोक्ताओं ने जिला प्रशासन से मांग की है कि मामले की जांच कर एजेंसी के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए और समयबद्ध होम डिलीवरी सुनिश्चित कराई जाए।
मिर्जापुर: गैस एजेंसी की लापरवाही से उपभोक्ता परेशान, 20–25 दिन बाद भी नहीं हो रही डिलीवरी
मिर्जापुर। विंध्याचल स्थित आधुनिक गैस एजेंसी के उपभोक्ता इन दिनों भारी परेशानी का सामना कर रहे हैं। उपभोक्ताओं का आरोप है कि गैस बुकिंग के 20 से 25 दिन बीत जाने के बाद भी सिलेंडर की होम डिलीवरी नहीं की जा रही है।
बताया जाता है कि पूर्व में यह एजेंसी परमार गैस एजेंसी के नाम से संचालित होती थी, जिसे बाद में आधुनिक एजेंसी में मर्ज कर दिया गया। मर्जर के बाद शहर के बड़ी संख्या में कनेक्शन इसी एजेंसी में स्थानांतरित हो गए, जिसके चलते वितरण व्यवस्था चरमरा गई है।
उपभोक्ताओं का कहना है कि एजेंसी पर संपर्क करने पर उन्हें गोदाम से स्वयं सिलेंडर ले जाने की बात कही जाती है, जबकि जिला प्रशासन की ओर से स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि घरेलू गैस सिलेंडर की होम डिलीवरी सुनिश्चित की जाए। इसके बावजूद एजेंसी प्रशासनिक निर्देशों की अनदेखी कर रही है।
स्थानीय लोगों का यह भी आरोप है कि जिला पूर्ति अधिकारी द्वारा इस संबंध में अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है, जिससे एजेंसी के मनोबल बढ़े हुए हैं और उपभोक्ताओं की समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं।
उपभोक्ताओं ने जिला प्रशासन से मांग की है कि मामले की जांच कर एजेंसी के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए और समयबद्ध होम डिलीवरी सुनिश्चित कराई जाए।
अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार दंपति की मौत,

रितेश मिश्रा
, हरदोई। पचदेवरा थाना क्षेत्र में मंगलवार सुबह गंगा एक्सप्रेसवे की सर्विस लेन पर सेढामऊ अंडरपास के निकट दर्दनाक सड़क हादसे में बाइक सवार दंपति की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद तीन माह की मासूम बच्ची अपने माता-पिता के शवों के पास रोती-बिलखती मिली, जिसे देखकर मौके पर पहुंचे ग्रामीणों की आंखें नम हो गईं।बताया गया कि मंगलवार सुबह खेतों की ओर गए ग्रामीणों की नजर सड़क किनारे क्षतिग्रस्त बाइक, दंपति के शव और पास में रो रही मासूम बच्ची पर पड़ी। ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पचदेवरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल पर लोगों की भारी भीड़ जुट गई। ग्रामीणों के अनुसार अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार सियाराम (22) पुत्र सुभाष और उनकी पत्नी नीलम (20) निवासी ग्राम गहवरा थाना पाली की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे की खबर मिलते ही क्षेत्र में हड़कंप मच गया। सूचना पर पहुंचे परिजनों में कोहराम मच गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। बताया गया कि दंपति की शादी करीब दो वर्ष पूर्व हुई थी और उनकी तीन माह की एक मासूम बच्ची है। सियाराम ग्राम गहवरा में अपनी ननिहाल में रहता था, जबकि वह मूल रूप से नथीनगला थाना कलान जनपद शाहजहांपुर का निवासी था। परिजन बताते हैं कि दंपति पारिवारिक बहन की शादी में शामिल होकर नथीनगला गांव से वापस लौट रहे थे, तभी रास्ते में यह दर्दनाक हादसा हो गया। सियाराम तीन भाइयों में दूसरे नंबर का था।हादसे के बाद मासूम बच्ची सुरक्षित मिली, जिसे परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को भेजने की तैयारी कर रही है। पुलिस ने अज्ञात वाहन तलाश एवं मामले की जांच शुरू कर दी है।
महिला बिल पर कांग्रेस सहित विपक्षियों ने दिया ओछी राजनीति का परिचय: आदित्य साहू

महिला आरक्षण बिल सहित अन्य ज्वलंत मुद्दों को लेकर आगामी 25 अप्रैल को रांची में आयोजित होने वाले आक्रोश मार्च की तैयारी को लेकर भाजपा ने पूरी तरह कमर कस ली है। इस कार्यक्रम की तैयारी में भाजपा कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती है, युद्ध स्तर पर इसकी तैयारियों में पार्टी जुटी हुई है।

इसी निमित्त आज भाजपा द्वारा रांची में दो स्थानों पर बैठक आयोजित कर इसकी तैयारियों की समीक्षा की गई। रांची महानगर एवं विभिन्न मंडलों के पदाधिकारियों की एक महत्वपूर्ण बैठक प्रदेश कार्यालय में संपन्न हुई। जबकि दूसरी बैठक प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू के कुच्चू स्थित पैतृक आवास में रांची पश्चिमी जिला एवं मंडल के पदाधिकारियों की हुई।

प्रदेश कार्यालय में आयोजित बैठक में मुख्य रूप से प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू, संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह मुख्य रूप से मौजूद थे। इस बैठक की अध्यक्षता महानगर अध्यक्ष वरुण साहू ने की। इस दौरान आक्रोश मार्च को सफल बनाने हेतु संगठनात्मक तैयारियों एवं कार्ययोजना पर विस्तृत चर्चा हुई।

प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने कहा कि महिला आरक्षण बिल पर कांग्रेस सहित उनकी सहयोगी पार्टियों ने ओछी राजनीति का परिचय दिया है। ये दल महिलाओं के नाम पर केवल राजनीतिक रोटी सेंकने का काम करते रहे हैं। आज जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महिलाओं को संवैधानिक और राजनीतिक रूप से भागीदारी बढ़ाने की दिशा में ठोस कदम उठाया तो इन दलों ने अपने राजनीतिक स्वभाव का परिचय देते हुए एक गौरवशाली अवसर से महिलाओं को वंचित करने का काम किया। इस पाप के लिए देश और देश की महिलाएं इन दलों को कभी माफ करने वाली नहीं है। आज पूरा देश आक्रोशित है। झारखंड में भी महिलाओं और आम लोगों में भारी उबाल है। इसी मद्देनजर 25 अप्रैल को आक्रोश मार्च का आयोजन किया गया है। वहीं 25 से 30 अप्रैल तक राज्य के 595 मंडलों में पदयात्रा कर कांग्रेस का पुतला दहन किया जाएगा। कांग्रेस सहित विपक्षियों के खिलाफ किस कदर आक्रोश व्याप्त है, इसका नजारा पार्टी के कार्यक्रमों के दौरान सड़कों पर विपक्षी दलों को दिख जाएगा।

वहीं प्रदेश अध्यक्ष ने पंडरा ओपी थाना क्षेत्र में हुई दिनदहाड़े गोलीबारी की घटना में भार्गव सिंह नामक जमीन कारोबारी की मौत की घटना को लेकर राज्य की ध्वस्त कानून व्यवस्था पर भी हेमंत सरकार को घेरा है। कहा कि हर घटना के बाद प्रशासन का मूकदर्शक बने रहना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। झारखंड की वर्तमान स्थिति अत्यंत चिंताजनक होती जा रही है। दिन-दहाड़े हत्याएं हो रही हैं और आए दिन माताओं-बहनों की अस्मिता लूटी जा रही है। आखिर हेमंत सरकार क्या कर रही है? प्रदेश की जनता भय और असुरक्षा के माहौल में जीने को मजबूर है। आखिर इस राज्य का भविष्य क्या होगा यदि अपराधियों के मन में कानून का कोई भय ही न रहे? उन्होंने मुख्यमंत्री से दोषियों को अविलंब गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध कड़ी से कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करने की बात कही।

मौके पर संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साफ संदेश दिया है कि उनके रहते नारी शक्ति के उदय को कोई ताकत नहीं रोक सकती। मोदी सरकार महिलाओं के आरक्षण के मार्ग में आने वाली हर बाधा को दूर करेगी। हां, इस दौरान कांग्रेस और उनके सहयोगी दलों का चाल, चरित्र और चेहरा एक बार फिर जरूर बेनकाब हो चुका है। देवी स्वरूप महिलाओं का रास्ता रोकने वाले इन दलों को इसका भारी खामियाजा भुगतना होगा। झारखंड सहित पूरे देश में महिलाएं आक्रोशित हैं।

इस दौरान बैठक में मुख्य सचेतक नवीन जायसवाल, प्रदेश उपाध्यक्ष भानु प्रताप शाही, रांची महानगर अध्यक्ष वरुण साहू सहित अन्य पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

कुच्चू में रांची पश्चिमी जिला एवं मंडल के पदाधिकारियों की हुई बैठक

वहीं आक्रोश मार्च को लेकर प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू के पैतृक आवास, कुच्चू में रांची पश्चिमी जिला एवं मंडल के पदाधिकारियों की भी एक महत्वपूर्ण तैयारी बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता रांची पश्चिमी जिला अध्यक्ष नरेंद्र सिंह ने की। जबकि मुख्य रूप से उपस्थित प्रदेश अध्यक्ष ने सारी तैयारियों का जायजा लिया और आवश्यक दिशा निर्देश दिया। उन्होंने उपस्थित नेताओं और कार्यकर्ताओं से इस आक्रोश मार्च में अधिक से अधिक महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। इस अवसर पर अन्य पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।