सर्च ऑपरेशन के दौरान नक्सलियों का कायराना हमला, चाईबासा में आईईडी ब्लास्ट में सीआरपीएफ जवान जख्मी।

चाईबासा/रांची: झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले स्थित सारंडा के घने जंगलों में नक्सलियों ने एक बार फिर अपनी उपस्थिति दर्ज कराते हुए सुरक्षा बलों को निशाना बनाया है। रविवार सुबह एक नियमित सर्च ऑपरेशन के दौरान नक्सलियों द्वारा प्लांट किए गए आईईडी (IED) विस्फोट में सीआरपीएफ की कोबरा (CoBRA) बटालियन का एक जवान घायल हो गया। घटना के बाद पुलिस मुख्यालय अलर्ट पर है और घायल जवान को बेहतर इलाज के लिए एयरलिफ्ट कर रांची लाने की तैयारी की जा रही है।

सर्च ऑपरेशन के दौरान हुआ धमाका

मिली जानकारी के अनुसार, कोबरा बटालियन के जवान सारंडा के दुर्गम क्षेत्रों में नक्सली ठिकानों को ध्वस्त करने के लिए अभियान चला रहे थे। इसी दौरान नक्सलियों द्वारा जमीन के नीचे छिपाकर रखे गए प्रेशर आईईडी पर जवान का पैर पड़ गया, जिससे जोरदार धमाका हुआ। झारखंड पुलिस के प्रवक्ता और आईजी (अभियान) डॉ. माइकल एस राज ने पुष्टि की है कि जवान को मामूली चोटें आई हैं, लेकिन एहतियात के तौर पर उन्हें सुरक्षित निकालकर रांची भेजने के लिए हेलीकॉप्टर तैनात किया गया है।

इलाके में 'ऑपरेशन क्लीन' जारी

आईजी अभियान ने बताया कि सुरक्षा बलों ने घटनास्थल के पास से एक और जिंदा आईईडी बम बरामद किया है, जिसे बम निरोधक दस्ते ने समय रहते नष्ट कर दिया। एसपी अमित रेणु के अनुसार, यह जांच का विषय है कि विस्फोटक हाल ही में लगाया गया था या यह पुराना प्लांट किया गया बम था। फिलहाल, पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी गई है और अतिरिक्त बल मौके पर भेज दिए गए हैं।

नक्सलियों की छटपटाहट और बारूद का जाल

सारंडा में सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच आर-पार की लड़ाई चल रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि जनवरी महीने में 17 नक्सलियों के मारे जाने के बाद संगठन पूरी तरह टूट चुका है। अपनी जान बचाने और सुरक्षा बलों की रफ्तार रोकने के लिए नक्सलियों ने पूरे जंगल को बारूद के ढेर में तब्दील कर दिया है। पिछले दो महीनों में यह चौथा बड़ा धमाका है। इन घटनाओं में अब तक एक ग्रामीण अपनी जान गंवा चुका है, जबकि कई जवान और ग्रामीण घायल हुए हैं। पुलिस का कहना है कि नक्सलियों की इन कायराना हरकतों के बावजूद अभियान तब तक जारी रहेगा जब तक सारंडा पूरी तरह नक्सल मुक्त नहीं हो जाता।

सय्यद मेराज मियां की सरपरस्ती में मनाया गया जिलानी बाबा का उर्स
Sambhal सय्यद मेराज मियां की सरपरस्ती में मनाया गया जिलानी बाबा का उर्स
सकुशल उर्स मनाकर लौटे सम्भल समेत कई जिलो के ज़ायरीन
संभल। आशिके मखदूम साबिर पाक, फिदाए औलिया हुज़ूर बाबा गुलाम जिलानी साबरी रह0 का सालाना उर्स मुबारक परम्परागत रस्मों के साथ सम्पन्न हो गया।
       
सम्भल से बड़ी संख्या मे अकीदतमन्द कलियर शरीफ हुज़ूर बाबा गुलाम जिलानी साबरी रह0 का सालाना उर्स मनाने के लिए जबकि यहां उत्तराखण्ड, पानीपत, हल्द्वानी, मुरादाबाद और पंजाब व दिल्ली के जा़यरीन ने भी शिरकत करते हुए उर्स को भव्य बनाया। अमन शांति और भाईचारे के लिए दुआ की गई। दरगाह शाह विलायत हज़रत ख्वाजा शमसुद्दीन तुर्की पानीपति के सज्जादानशींन व अंजुमन गुलामाने चिश्तीया साबरिया वैलफेयर सोसायटी के चैयरमेन हाजी ख्वाजा सैयद मेराज हुसैन साबरी ने कुल शरीफ मे मुल्क अमन शांति एवं भाईचारे को दुआ कराई और सूफीवाद का पैग़ाम दिया। मेराज मियां की सरपरस्ती मे परम्परागत उर्स पुर सुकून माहौल मे एकता और भाईचारे के पैग़ाम के साथ सम्पन्न हो गया। नामचीन कव्वालों ने सूफियाना कलाम पेश कर सबको झूमने पर मजबूर कर दिया। कुल के बाद सभी को तर्बरूक बांटा गया और लंगर का आयोजन हुआ। इस मौके पर हज कमेटी उत्तराखण्ड के पूर्व चैयरमेन हाजी राव शेर मौहम्मद, वक्फ बोर्ड उत्तराखण्ड के पूर्व चैयरमेन राव काले खां, संजय बाबा, सूफी इसरार साबरी, सलीम उदयपुर, बाबा मेक्षी शाह, हाजी इश्तियाक, इस्तेकार अमन साबरी, शराफत हुसैन, ख्वाजा हसनैन, शान साबरी, तस्लीम साबरी, धर्मेन्द्र, सौहराब साबरी, नितिन पहलवान, आदि मौजूद रहे। सम्भल से पहुंचने वालों मे इंतेज़ार हुसैन, बाबर खान साबरी, फरज़न्द अली वारसी, मौ0 वसीम, साबिर हुसैन, फाज़िल, मौ0 काशिफ, असद, मास्टर रूाकील अहमद आदि मौजूद रहे।
दर्दनाक सड़क हादसे में डंपर ने महिला को कुचला, मौके पर ही मौत; हंगामा कर रहे लोगों से पुलिस की झड़प

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज, कोरांव थाना क्षेत्र में रविवार को दर्दनाक हादसा हुआ। नगर पंचायत में कोरांव-मेजा मार्ग पर स्थित स्कैनिंग सेंटर के पास एक तेज रफ्तार डंपर ने बाइक में टक्कर मारा। हादसे में बाइक सवार 45 वर्षीय महिला फातिमा बेगम सड़क पर गिर गई और उसे कुचलते हुए वाहन आगे बढ़ गया। हादसे में उसकी मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पति और बेटा सकुशल हैं।

सामने से आ रहे डंपर ने बाइक में मारी टक्कर

घूरपुर थाना क्षेत्र के उभारी गांव निवासी मोहम्मद नौसे पत्नी फातिमा बेगम और 20 वर्षीय बेटे के साथ निमंत्रण में शामिल होने के लिए कोरांव जा रहे थे। कोरांव-मेजा मार्ग पर विपरीत दिशा से आ रहे डंपर ने उनकी बाइक में टक्कर मार दिया। इससे फातिमा बेगम सड़क पर गिर गई और डंपर के पहिए के नीचे आ गईं, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।

आक्रोशित भीड़ ने किया हंगामा

हादसे में मोहम्मद नौसे और उनका बेटा बाल-बाल बच गए। घटना के बाद मौके पर बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हो गए। आक्रोशित भीड़ ने हंगामा शुरू कर दिया। पुलिस के पहुंचने पर कुछ देर के लिए झड़प की स्थिति भी बनी रही। बाद में पुलिस ने किसी तरह स्थिति को नियंत्रित करते हुए शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।

पुलिस ने डंपर वाहन की पहचान कर ली है

इस संबंध में कोरांव थाना के प्रभारी निरीक्षक राकेश कुमार वर्मा ने बताया कि दुर्घटना को अंजाम देने वाले डंपर वाहन की पहचान कर ली गई है, जल्द ही उसका चालक पुलिस की हिरासत में होगा। कहा कि मृतक महिला के परिवार के लोगों की ओर से दी जा रही तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है।

अपर आयुक्त ने 11 महिलाओं की सुनी समस्याएं, समाधान के निर्देश
*अपर आयुक्त मीनू राणा ने महिला जनसुनवाई में 11 मामलों की सुनी समस्याएं*

*वरासत, भूमि विवाद और उत्पीड़न के मामलों पर सख्त निर्देश, त्वरित कार्रवाई के आदेश*

*जनसुनवाई में महिलाओं ने उठाई शिकायतें*



*गोण्डा, 6 अप्रैल 2026* -  देवीपाटन मंडल मुख्यालय पर आयोजित ‘माँ पाटेश्वरी शक्ति संवाद’ महिला जनसुनवाई में अपर आयुक्त मीनू राणा ने 11 महिलाओं की समस्याएं सुनीं। जनसुनवाई के दौरान महिलाओं ने भूमि विवाद, पारिवारिक उत्पीड़न, वरासत, पुलिस कार्रवाई में लापरवाही समेत विभिन्न समस्याएं रखीं। अपर आयुक्त ने प्रत्येक प्रकरण को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को मौके पर ही आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि महिलाओं से जुड़े मामलों में संवेदनशीलता और त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। कुछ मामलों में तत्काल निस्तारण के निर्देश दिए गए, जबकि शेष प्रकरणों में संबंधित विभागों को जांच कर शीघ्र कार्रवाई करने को कहा गया। उन्होंने स्पष्ट किया कि महिलाओं की समस्याओं के समाधान में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


*वरासत दर्ज न होने पर महिला ने लगाई गुहार*

तहसील क्षेत्र के ग्राम परेड सरकार की एक महिला ने अपने पति की मृत्यु के बाद भी भूमि की वरासत दर्ज न होने पर प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है। वन्दना देवी ने प्रार्थना पत्र में बताया कि उनके पति की मृत्यु 17 अप्रैल 2025 को हो चुकी है, जिसके बाद उनके पुत्र द्वारा ऑनलाइन वरासत के लिए आवेदन किया गया था, लेकिन हल्का लेखपाल ने उसे त्रुटिपूर्ण बताते हुए निरस्त कर दिया। पीड़िता का कहना है कि राजस्व अभिलेखों में नाम ‘श्रीचन्द्र पाठक’ जबकि अन्य दस्तावेजों में ‘श्रीकान्त पाठक’ दर्ज है, जो एक ही व्यक्ति हैं। ग्राम प्रधान द्वारा भी इसकी पुष्टि की गई है, इसके बावजूद कार्रवाई नहीं हुई। वृद्ध और आर्थिक रूप से कमजोर महिला ने बताया कि उक्त भूमि ही उनके परिवार की आजीविका का एकमात्र साधन है। उन्होंने प्रशासन से वरासत दर्ज कराने की मांग की है।

*महिला ने लगाया जमीन पर अवैध कब्जा व मारपीट का आरोप*


  देवीपाटन मंडल मुख्यालय में आयोजित ‘माँ पाटेश्वरी शक्ति संवाद’ महिला जनसुनवाई में कटरा बाजार निवासिनी नेहा तिवारी ने अपनी खरीदी गई जमीन पर अवैध कब्जा और मारपीट का आरोप लगाया है। पीड़िता ने बताया कि उसने वर्ष 2023 में भूमि क्रय की थी, जिस पर वह कब्जे में है और उसका नाम राजस्व अभिलेखों में दर्ज है। आरोप है कि 27 नवंबर 2025 को गांव के कुछ लोगों ने लाठी-डंडा व धारदार हथियार लेकर उसकी जमीन पर जबरन कब्जा करने का प्रयास किया और विरोध करने पर गाली-गलौज करते हुए मारपीट की। पीड़िता के अनुसार आरोपियों ने घर में घुसकर उसे जमीन पर पटक दिया और अश्लील हरकत की। महिला का कहना है कि पुलिस को सूचना देने और कई बार शिकायत करने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई। उसने मंडलायुक्त से आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर अवैध कब्जा हटवाने की मांग की है।
फलावदा नगर पंचायत में वर्ष 2026–27 के ठेकों की सार्वजनिक नीलामी संपन्न, 8.12 लाख में पैंठ ठेका छोड़ा गया
मोनू भाटी। मेरठ,फलावदा। नगर पंचायत फलावदा में  सोमवार को वार्षिक ठेके वर्ष 2026–27 की सार्वजनिक नीलामी का आयोजन किया गया। यह नीलामी नगर पंचायत अध्यक्ष श्री अशोक कुमार सैनी एवं अधिशासी अधिकारी श्री सचिन पंवार की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। नीलामी प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से नगर पंचायत परिसर में कराई गई, जिसमें बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों व जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति रही।
सबसे पहले बुधवार व शनिवार पैंठ (भूमि किराया) के ठेके की नकद नीलामी कराई गई। इस नीलामी में कुल 8 बोलीदाताओं ने भाग लिया। कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच श्री अनिल पुत्र श्री मदन, निवासी वार्ड नं. 2, मोहल्ला अम्बेडकर, कस्बा फलावदा ने सर्वाधिक 8,12,000 रुपये की बोली लगाकर प्रथम स्थान प्राप्त किया।
द्वितीय उच्चतम बोली श्री अकरम पुत्र श्री अखलाक, निवासी वार्ड नं. 9, मोहल्ला शहीद मेजर अब्दुल हमीद ने 8,11,000 रुपये की लगाई, जबकि तृतीय उच्चतम बोली श्री परविन्दर पुत्र श्री कालू, निवासी वार्ड नं. 8, मोहल्ला जूडवाला द्वारा 7,70,000 रुपये की रही।
नीलामी के दौरान बोली को और बढ़ाने के लिए कई प्रयास किए गए, लेकिन बोली आगे नहीं बढ़ सकी। अंततः सर्वाधिक बोलीदाता श्री अनिल को 8,12,000 रुपये में वर्ष 2026–27 के लिए बुधवार व शनिवार पैंठ (भूमि किराया) का ठेका प्रदान किया गया।
उल्लेखनीय है कि गत वर्ष यही ठेका 6,46,000 रुपये में छोड़ा गया था, जबकि इस वर्ष 1,66,000 रुपये अधिक बोली प्राप्त हुई है। इससे नगर पंचायत की आय में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, जिसे निकाय के लिए सकारात्मक उपलब्धि माना जा रहा है।
यह ठेका 08 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2027 तक के लिए प्रभावी रहेगा। ठेकेदार द्वारा नियमानुसार वसूली की प्रक्रिया 08 अप्रैल 2026 से प्रारंभ की जाएगी।
हालांकि, अन्य शेष ठेकों के लिए किसी भी बोलीदाता द्वारा बोली प्रस्तुत नहीं की गई, जिसके चलते वे ठेके आज की नीलामी में आवंटित नहीं किए जा सके।
इस अवसर पर सभासद  अनुराधा, नईम अनवर,  सोहनवीर सैनी,वकार आलम, नामित सभासद  विवेक कुमार सैनी, अश्वनी विश्नोई, नरेन्द्र खटीक सहित कई जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। इसके अतिरिक्त  रविन्द्र कुमार सैनी, मोहित तोमर, तनवीर, शहजाद,  शानू, सतबीर, शुभम अग्रवाल,  अनिरुद्ध कुमार,  रिंकू रस्तौगी, विपिन कुमार,  मनोज कुमार, मेघराज,  नय्यूम अनवर,  आरव प्रजापति,  मोहम्मद कसीम सहित अन्य गणमान्य नागरिक एवं नगर पंचायत कर्मचारीगण भी मौजूद रहे।नगर पंचायत प्रशासन ने इस सफल नीलामी के लिए सभी प्रतिभागियों और उपस्थित जनों का आभार व्यक्त किया तथा भविष्य में भी इसी प्रकार पारदर्शी प्रक्रिया अपनाने का आश्वासन दिया।
बलरामपुर महोत्सव में 5 वर्षीय अन्वीक्षा सिंह ने दिखाया अद्भुत नृत्य
बलरामपुर: बलरामपुर महोत्सव में एक से बढ़कर एक प्रस्तुतियां हुईं। इसी क्रम में 5 वर्षीय अन्वीक्षा सिंह ने 'बेटियों' गीत पर अपना मनमोहक नृत्य पेश कर सबका दिल जीत लिया। अन्वीक्षा की प्रस्तुति देख दर्शकों ने खड़े होकर उसका उत्साहवर्धन किया।

जिलाधिकारी डॉ. विपिन कुमार जैन ने अन्वीक्षा को सम्मानित किया और उसके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। अन्वीक्षा के पिता सौरभ सिंह ने बताया कि वह बचपन से ही नृत्य में रुचि रखती है और उसकी इस प्रतिभा को बलरामपुर महोत्सव में सम्मान मिला है।
यूसीसी और एक देश-एक चुनाव’, बीजेपी के स्थापना दिवस पर पीएम मोदी ने बता दिया टारगेट

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आज यानी 6 अप्रैल को भाजपा के लिए बहुत बड़ा दिन है। आज ही के दिन यानी 6 अप्रैल 1980 को पार्टी की स्थापना हुई थी। बीजेपी का आज अपना 47वां स्थापना दिवस मना रही है। पीएम मोदी ने इस अवसर पर बीजेपी कार्यकर्ताओं को खास संदेश दिया।

पीएम मोदी ने कार्यकर्ताओं को किया संबोधित

पीएम मोदी ने पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए भावुक संदेश दिया। उन्होंने कहा कि भाजपा सिर्फ एक राजनीतिक संगठन नहीं, बल्कि कार्यकर्ताओं के लिए “मां” के समान है। पीएम मोदी ने स्थापना दिवस का जिक्र करते हुए कहा कि यह हम कार्यकर्ताओं के लिए एक राजनीतिक आयोजन नहीं होता। ये हम सब कार्यकर्ताओं के लिए एक भावुक अवसर होता है। ये दिन हमें पार्टी के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का मौका देता है कि पार्टी ने हमें राष्ट्र सेवा का सौभाग्य दिया।

भाजपा ईमानदारी से कोशिश कर रही-पीएम मोदी

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा, ''देश जानता है, हर चुनौती का सामना करने के लिए भाजपा ईमानदारी से कोशिश कर रही है, आगे भी करेगी। पहले भी सकारात्मक नतीजे मिले हैं और आगे भी मिलेंगे। अंग्रेजों के दौर के सैकड़ों काले कानूनों का अंत, लोकतंत्र के लिए नए संसद भवन का निर्माण, सामान्य समाज के गरीबों के लिए 10 प्रतिशत आरक्षण, कानून बनाकर तीन तलाक पर रोक, सीएए, अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण ऐसे कितने ही काम हैं, जो भाजपा के ईमानदार प्रयासों का नतीजा हैं।''

हमारा मिशन अभी भी जारी-पीएम मोदी

पीएम मोदी ने कहा, हमारा मिशन अभी भी जारी है। उन्होंने कहा कि "समान नागरिक संहिता और एक देश-एक चुनाव ऐसे सभी विषयों पर आज देश में एक गंभीर चर्चा हो रही है। भाजपा के कार्यकर्ता जनता से जुड़े मुद्दों को उठाने में कभी पीछे नहीं हटते।उन्हें दृढ़ विश्वास था कि वे जो कड़ी मेहनत कर रहे हैं, उससे भारत का भविष्य बेहतर होगा।"

कार्यकर्ताओं के समर्पण को किया याद

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि "आज भाजपा जिस शिखर पर है, उसकी चमक सबको दिखती है, लेकिन यहां तक पहुंचने में लाखों कार्यकर्ताओं का जो श्रम है, उन्होंने तप, त्याग की पराकाष्ठा की है, ये वही जान सकता है, जो इस पार्टी के संकल्पों के लिए समर्पित होकर स्वयं इस साधना का हिस्सा रहा है। पीएओम मोदी ने कहा, कार्यकर्ताओं ने हर कठिनाई झेली, चाहे वह आपातकाल हो या कांग्रेस के शासन का दमन। कई कार्यकर्ताओं ने तो अपना जीवन भी बलिदान कर दिया। हमने पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों में देखा है, जहां हिंसा को एक राजनीतिक संस्कृति बना दिया गया है।"

हमने कार्यकर्ताओं का विशाल कैडर खड़ा किया

पीएम मोदी ने ने बीजेपी की यात्रा जिक्र करते हुए कहा, "राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के विशाल और पवित्र वट वृक्ष के नीचे हमें साफ नीयत के साथ सुचिता के साथ राजनीति में कदम रखने की प्रेरणा मिली। फिर शुरुआत के कुछ दशकों में हमने संगठन के लिए नीतियां निर्धारित करने में अपनी ऊर्जा लगाई। उसके बाद जो समय आया जब भाजपा ने पूरी निष्ठा के साथ खुद को एक सशक्त कैडर आधारित पार्टी बनाने में झोंक दिया। हमने कार्यकर्ताओं का ऐसा विशाल कैडर खड़ा किया, जिनमें सेवा भावना से काम करने का समर्पण था, जिन्होंने पार्टी के सिद्धांतों को अपने जीवन का आदर्श बनाया और जिन्होंने किसी भी परिस्थिति में अपने मूल्यों से समझौता स्वीकार नहीं किया।"

देश सेवा के संकल्प के साथ भूतपूर्व सैनिकों की बैठक संपन्न
रामेश्वर प्रजापति छांगुर

नगरा(बलिया)
कार्यालय भूतपूर्व सैनिक सेवा समिति, गड़वार मोड़ पर देश के प्रति समर्पण और समाज सेवा के संकल्प के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में समिति के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपने अनुभवों के आधार पर संगठन को और अधिक मजबूत बनाने पर जोर दिया।
बैठक की अध्यक्षता जनार्दन तिवारी ने की, जबकि संचालन प्रबंधक मोतीचन्द्र यादव द्वारा किया गया। इस अवसर पर राधेश्याम यादव, ह्रदयनन्द सिंह, राम कैलाश सिंह, सदाफल वर्मा, सुरेश यादव, अनिरुद्ध ठाकुर, दिनेश यादव एवं राधेश्याम वर्मा सहित अनेक भूतपूर्व सैनिक उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान पूर्व सैनिकों ने अपने सैन्य जीवन के अनुभवों को साझा करते हुए देश सेवा के प्रति अपनी अटूट निष्ठा को दोहराया। साथ ही भूतपूर्व सैनिकों की समस्याओं, उनके कल्याण, सम्मान एवं सामाजिक भागीदारी को बढ़ाने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।
वक्ताओं ने कहा कि भूतपूर्व सैनिक देश की अमूल्य धरोहर हैं, जिनका जीवन त्याग, अनुशासन और समर्पण का प्रतीक है। उन्होंने सभी सदस्यों से एकजुट होकर समाज सेवा और राष्ट्रहित में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
बैठक में संगठन के आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा भी तय की गई और इसे और सशक्त बनाने का संकल्प लिया गया। अंत में उपस्थित सभी सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए बैठक का समापन किया गया।
मऊ जिलाध्यक्ष जंगशेर बहादुर राणा के पिता श्री इंद्रदेव यादव जी के निधन पर भावपूर्ण श्रद्धांजलि
संजीव सिंह बलिया मऊ: 5 अप्रैल 2026: उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षामित्र संघ (UPPSMS) के मऊ जिले के  के क्रांतिकारी जिलाध्यक्ष जंगशेर बहादुर राणा के पूज्य पिता श्री इंद्रदेव यादव जी का 26 मार्च 2026 को असामयिक निधन हो गया। उनके निधन की दुखद सूचना ने समस्त परिवार, संघ परिवार और पूरे समुदाय में गहन शोक की लहर पैदा कर दी है। श्री इंद्रदेव यादव जी एक सादगीपूर्ण और सम्मानित जीवन जीने वाले व्यक्ति थे, जिनकी स्मृतियां हमेशा सबके दिलों में जीवित रहेंगी।श्रद्धांजलि सभा का भव्य आयोजन उनकी पावन स्मृति में एक गरिमापूर्ण श्रद्धांजलि सभा का आयोजन 5 अप्रैल 2026 (रविवार) को पूर्वाह्न 11:00 बजे से अपराह्न 4:00 बजे तक उनके पैतृक गांव स्थित डॉ. लोहिया पूर्व माध्यमिक विद्यालय, फतेहपुर डोड़हरा (अकोल्ही मुबारकपुर), डाकघर- बीबीपुर, घोसी, जनपद मऊ में किया गया। सभा में बड़ी संख्या में शिक्षामित्र बंधु, पदाधिकारी और सम्मानित जनों ने भाग लिया। सभी ने सादगी और भावुकता के साथ उपस्थित होकर दिवंगत आत्मा को श्रद्धा सुमन अर्पित किए। यह आयोजन न केवल शोक व्यक्त करने का माध्यम बना, बल्कि संघ के एकजुट स्वरूप को भी दर्शाया।प्रमुख पदाधिकारियों की उपस्थिति और श्रद्धांजलि इस अवसर पर विभिन्न क्षेत्रों से आए प्रमुख नेताओं ने अपनी उपस्थिति से सभा को विशेष गरिमा प्रदान की। लखनऊ से पधारे उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षामित्र संघ के लोकप्रिय प्रदेश महामंत्री सुशील कुमार यादव ने दिवंगत आत्मा की प्रशंसा करते हुए उनके त्यागपूर्ण जीवन पर प्रकाश डाला। काशी की धरती से आए जाबांज प्रदेश उपाध्यक्ष तथा वाराणसी जिलाध्यक्ष अजय कुमार सिंह व लखनऊ जिलाध्यक्ष हरिनाम सिंह ने संघ के सिद्धांतों के अनुरूप श्रद्धांजलि दी।आजमगढ़ मंडल के सभी सम्मानित पदाधिकारी भी उपस्थित रहे, जिनमें मंडल अध्यक्ष अनिल यादव, महामंत्री भरत यादव, मंडल वरिष्ठ उपाध्यक्ष संजीव कुमार सिंह, मंडल संरक्षक सरल यादव, मंडल कोषाध्यक्ष दिलीप प्रसाद, मंडल संगठन मंत्री हरिकेश मौर्य, आजमगढ़ जिला अध्यक्ष देवसी यादव तथा महामंत्री हीरालाल सरोज शामिल थे।मऊ जिले से संरक्षक रामकवल यादव महामंत्री विद्यासागर, वरिष्ठ उपाध्यक्ष चंद्रभान यादव, कोषाध्यक्ष राजेश मिश्रा, अशोक यादव, संजीव यादव, महेश यादव, ओमप्रकाश चौहान, हरिगोविंद, रमेश चौहान तथा लालबहादुर यशवंत समेत अन्य सभी सम्मानित जनों ने भी सादगीपूर्वक भागीदारी की। सभी ने एक स्वर में शोक संवेदना व्यक्त की और परिवार के प्रति एकजुटता दिखाई।शोक संदेश और प्रार्थनासभा के अंत में सभी ने ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत श्री इंद्रदेव यादव जी की आत्मा को शांति प्रदान करें तथा शोकाकुल परिवार को इस दुख को सहने की शक्ति दें। यह आयोजन UPPSMS के सौहार्दपूर्ण और संघर्षपूर्ण चरित्र को एक बार पुनः रेखांकित करता है।
असम के आदिवासियों के न्याय का मुद्दा राजनीति से ऊपर: हेमंत सोरेन

झारखंड के मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन ने रविवार को एक्स पोस्ट के जरिए कहा - असम की धरती पर एक ऐसा सच दबा दिया गया है, जिसे जितना कहा जाए, सबको बताया जाए, उतना कम है।

असम के चाय बागानों में पीढ़ियों से रह रहे आदिवासी समाज को आज तक एसटी का संवैधानिक दर्जा नहीं मिला। यह सामान्य चूक नहीं है, यह राष्ट्रीय स्तर का अन्याय है। एक ऐसा अन्याय, जिसे इतिहास कभी माफ़ नहीं करेगा।

उन्होंने कहा कि सोचिए, जिन लोगों को अंग्रेज़ों ने उनके घरों से दूर लाकर इस मिट्टी से बांध दिया, जिन्होंने अपने खून-पसीने से असम की अर्थव्यवस्था खड़ी की, उन्हीं को आज तक उनके अस्तित्व की मान्यता नहीं दी गई।

आजादी के बाद भी दशकों तक सरकारें बदलती रहीं, नेतृत्व बदलता रहा, लेकिन इस समाज का दर्द नहीं बदला। सबसे पीड़ादायक बात यह है कि जिन्होंने बड़े-बड़े वादे किए, उन्होंने भी इस मुद्दे को अपनी प्राथमिकता नहीं बनाया। यहां तक कि सत्ता में बैठी पार्टियों ने भी इसे अपने घोषणापत्र तक में जगह नहीं दी।

मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन ने कहा क्या यह सवाल नहीं उठना चाहिए कि आख़िर एक पूरे समाज को उसके संवैधानिक अधिकार से वंचित क्यों रखा गया?

जब तक न्याय अधूरा है, तब तक लोकतंत्र भी अधूरा है

मैं यह स्पष्ट कहना चाहता हूं - यह मुद्दा राजनीति से ऊपर है। यह न्याय, सम्मान और पहचान का सवाल है। असम के आदिवासी समाज को अब और इंतज़ार नहीं कराया जा सकता।

उन्हें उनका अधिकार मिलना ही चाहिए - पूरा अधिकार, संवैधानिक अधिकार, और सम्मान के साथ। अब समय आ गया है कि देश इस अन्याय को स्वीकार करे और उसे ठीक करे।

क्योंकि जब तक न्याय अधूरा है, तब तक लोकतंत्र भी अधूरा है।

सर्च ऑपरेशन के दौरान नक्सलियों का कायराना हमला, चाईबासा में आईईडी ब्लास्ट में सीआरपीएफ जवान जख्मी।

चाईबासा/रांची: झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले स्थित सारंडा के घने जंगलों में नक्सलियों ने एक बार फिर अपनी उपस्थिति दर्ज कराते हुए सुरक्षा बलों को निशाना बनाया है। रविवार सुबह एक नियमित सर्च ऑपरेशन के दौरान नक्सलियों द्वारा प्लांट किए गए आईईडी (IED) विस्फोट में सीआरपीएफ की कोबरा (CoBRA) बटालियन का एक जवान घायल हो गया। घटना के बाद पुलिस मुख्यालय अलर्ट पर है और घायल जवान को बेहतर इलाज के लिए एयरलिफ्ट कर रांची लाने की तैयारी की जा रही है।

सर्च ऑपरेशन के दौरान हुआ धमाका

मिली जानकारी के अनुसार, कोबरा बटालियन के जवान सारंडा के दुर्गम क्षेत्रों में नक्सली ठिकानों को ध्वस्त करने के लिए अभियान चला रहे थे। इसी दौरान नक्सलियों द्वारा जमीन के नीचे छिपाकर रखे गए प्रेशर आईईडी पर जवान का पैर पड़ गया, जिससे जोरदार धमाका हुआ। झारखंड पुलिस के प्रवक्ता और आईजी (अभियान) डॉ. माइकल एस राज ने पुष्टि की है कि जवान को मामूली चोटें आई हैं, लेकिन एहतियात के तौर पर उन्हें सुरक्षित निकालकर रांची भेजने के लिए हेलीकॉप्टर तैनात किया गया है।

इलाके में 'ऑपरेशन क्लीन' जारी

आईजी अभियान ने बताया कि सुरक्षा बलों ने घटनास्थल के पास से एक और जिंदा आईईडी बम बरामद किया है, जिसे बम निरोधक दस्ते ने समय रहते नष्ट कर दिया। एसपी अमित रेणु के अनुसार, यह जांच का विषय है कि विस्फोटक हाल ही में लगाया गया था या यह पुराना प्लांट किया गया बम था। फिलहाल, पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी गई है और अतिरिक्त बल मौके पर भेज दिए गए हैं।

नक्सलियों की छटपटाहट और बारूद का जाल

सारंडा में सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच आर-पार की लड़ाई चल रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि जनवरी महीने में 17 नक्सलियों के मारे जाने के बाद संगठन पूरी तरह टूट चुका है। अपनी जान बचाने और सुरक्षा बलों की रफ्तार रोकने के लिए नक्सलियों ने पूरे जंगल को बारूद के ढेर में तब्दील कर दिया है। पिछले दो महीनों में यह चौथा बड़ा धमाका है। इन घटनाओं में अब तक एक ग्रामीण अपनी जान गंवा चुका है, जबकि कई जवान और ग्रामीण घायल हुए हैं। पुलिस का कहना है कि नक्सलियों की इन कायराना हरकतों के बावजूद अभियान तब तक जारी रहेगा जब तक सारंडा पूरी तरह नक्सल मुक्त नहीं हो जाता।

सय्यद मेराज मियां की सरपरस्ती में मनाया गया जिलानी बाबा का उर्स
Sambhal सय्यद मेराज मियां की सरपरस्ती में मनाया गया जिलानी बाबा का उर्स
सकुशल उर्स मनाकर लौटे सम्भल समेत कई जिलो के ज़ायरीन
संभल। आशिके मखदूम साबिर पाक, फिदाए औलिया हुज़ूर बाबा गुलाम जिलानी साबरी रह0 का सालाना उर्स मुबारक परम्परागत रस्मों के साथ सम्पन्न हो गया।
       
सम्भल से बड़ी संख्या मे अकीदतमन्द कलियर शरीफ हुज़ूर बाबा गुलाम जिलानी साबरी रह0 का सालाना उर्स मनाने के लिए जबकि यहां उत्तराखण्ड, पानीपत, हल्द्वानी, मुरादाबाद और पंजाब व दिल्ली के जा़यरीन ने भी शिरकत करते हुए उर्स को भव्य बनाया। अमन शांति और भाईचारे के लिए दुआ की गई। दरगाह शाह विलायत हज़रत ख्वाजा शमसुद्दीन तुर्की पानीपति के सज्जादानशींन व अंजुमन गुलामाने चिश्तीया साबरिया वैलफेयर सोसायटी के चैयरमेन हाजी ख्वाजा सैयद मेराज हुसैन साबरी ने कुल शरीफ मे मुल्क अमन शांति एवं भाईचारे को दुआ कराई और सूफीवाद का पैग़ाम दिया। मेराज मियां की सरपरस्ती मे परम्परागत उर्स पुर सुकून माहौल मे एकता और भाईचारे के पैग़ाम के साथ सम्पन्न हो गया। नामचीन कव्वालों ने सूफियाना कलाम पेश कर सबको झूमने पर मजबूर कर दिया। कुल के बाद सभी को तर्बरूक बांटा गया और लंगर का आयोजन हुआ। इस मौके पर हज कमेटी उत्तराखण्ड के पूर्व चैयरमेन हाजी राव शेर मौहम्मद, वक्फ बोर्ड उत्तराखण्ड के पूर्व चैयरमेन राव काले खां, संजय बाबा, सूफी इसरार साबरी, सलीम उदयपुर, बाबा मेक्षी शाह, हाजी इश्तियाक, इस्तेकार अमन साबरी, शराफत हुसैन, ख्वाजा हसनैन, शान साबरी, तस्लीम साबरी, धर्मेन्द्र, सौहराब साबरी, नितिन पहलवान, आदि मौजूद रहे। सम्भल से पहुंचने वालों मे इंतेज़ार हुसैन, बाबर खान साबरी, फरज़न्द अली वारसी, मौ0 वसीम, साबिर हुसैन, फाज़िल, मौ0 काशिफ, असद, मास्टर रूाकील अहमद आदि मौजूद रहे।
दर्दनाक सड़क हादसे में डंपर ने महिला को कुचला, मौके पर ही मौत; हंगामा कर रहे लोगों से पुलिस की झड़प

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज, कोरांव थाना क्षेत्र में रविवार को दर्दनाक हादसा हुआ। नगर पंचायत में कोरांव-मेजा मार्ग पर स्थित स्कैनिंग सेंटर के पास एक तेज रफ्तार डंपर ने बाइक में टक्कर मारा। हादसे में बाइक सवार 45 वर्षीय महिला फातिमा बेगम सड़क पर गिर गई और उसे कुचलते हुए वाहन आगे बढ़ गया। हादसे में उसकी मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पति और बेटा सकुशल हैं।

सामने से आ रहे डंपर ने बाइक में मारी टक्कर

घूरपुर थाना क्षेत्र के उभारी गांव निवासी मोहम्मद नौसे पत्नी फातिमा बेगम और 20 वर्षीय बेटे के साथ निमंत्रण में शामिल होने के लिए कोरांव जा रहे थे। कोरांव-मेजा मार्ग पर विपरीत दिशा से आ रहे डंपर ने उनकी बाइक में टक्कर मार दिया। इससे फातिमा बेगम सड़क पर गिर गई और डंपर के पहिए के नीचे आ गईं, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।

आक्रोशित भीड़ ने किया हंगामा

हादसे में मोहम्मद नौसे और उनका बेटा बाल-बाल बच गए। घटना के बाद मौके पर बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हो गए। आक्रोशित भीड़ ने हंगामा शुरू कर दिया। पुलिस के पहुंचने पर कुछ देर के लिए झड़प की स्थिति भी बनी रही। बाद में पुलिस ने किसी तरह स्थिति को नियंत्रित करते हुए शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।

पुलिस ने डंपर वाहन की पहचान कर ली है

इस संबंध में कोरांव थाना के प्रभारी निरीक्षक राकेश कुमार वर्मा ने बताया कि दुर्घटना को अंजाम देने वाले डंपर वाहन की पहचान कर ली गई है, जल्द ही उसका चालक पुलिस की हिरासत में होगा। कहा कि मृतक महिला के परिवार के लोगों की ओर से दी जा रही तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है।

अपर आयुक्त ने 11 महिलाओं की सुनी समस्याएं, समाधान के निर्देश
*अपर आयुक्त मीनू राणा ने महिला जनसुनवाई में 11 मामलों की सुनी समस्याएं*

*वरासत, भूमि विवाद और उत्पीड़न के मामलों पर सख्त निर्देश, त्वरित कार्रवाई के आदेश*

*जनसुनवाई में महिलाओं ने उठाई शिकायतें*



*गोण्डा, 6 अप्रैल 2026* -  देवीपाटन मंडल मुख्यालय पर आयोजित ‘माँ पाटेश्वरी शक्ति संवाद’ महिला जनसुनवाई में अपर आयुक्त मीनू राणा ने 11 महिलाओं की समस्याएं सुनीं। जनसुनवाई के दौरान महिलाओं ने भूमि विवाद, पारिवारिक उत्पीड़न, वरासत, पुलिस कार्रवाई में लापरवाही समेत विभिन्न समस्याएं रखीं। अपर आयुक्त ने प्रत्येक प्रकरण को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को मौके पर ही आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि महिलाओं से जुड़े मामलों में संवेदनशीलता और त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। कुछ मामलों में तत्काल निस्तारण के निर्देश दिए गए, जबकि शेष प्रकरणों में संबंधित विभागों को जांच कर शीघ्र कार्रवाई करने को कहा गया। उन्होंने स्पष्ट किया कि महिलाओं की समस्याओं के समाधान में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


*वरासत दर्ज न होने पर महिला ने लगाई गुहार*

तहसील क्षेत्र के ग्राम परेड सरकार की एक महिला ने अपने पति की मृत्यु के बाद भी भूमि की वरासत दर्ज न होने पर प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है। वन्दना देवी ने प्रार्थना पत्र में बताया कि उनके पति की मृत्यु 17 अप्रैल 2025 को हो चुकी है, जिसके बाद उनके पुत्र द्वारा ऑनलाइन वरासत के लिए आवेदन किया गया था, लेकिन हल्का लेखपाल ने उसे त्रुटिपूर्ण बताते हुए निरस्त कर दिया। पीड़िता का कहना है कि राजस्व अभिलेखों में नाम ‘श्रीचन्द्र पाठक’ जबकि अन्य दस्तावेजों में ‘श्रीकान्त पाठक’ दर्ज है, जो एक ही व्यक्ति हैं। ग्राम प्रधान द्वारा भी इसकी पुष्टि की गई है, इसके बावजूद कार्रवाई नहीं हुई। वृद्ध और आर्थिक रूप से कमजोर महिला ने बताया कि उक्त भूमि ही उनके परिवार की आजीविका का एकमात्र साधन है। उन्होंने प्रशासन से वरासत दर्ज कराने की मांग की है।

*महिला ने लगाया जमीन पर अवैध कब्जा व मारपीट का आरोप*


  देवीपाटन मंडल मुख्यालय में आयोजित ‘माँ पाटेश्वरी शक्ति संवाद’ महिला जनसुनवाई में कटरा बाजार निवासिनी नेहा तिवारी ने अपनी खरीदी गई जमीन पर अवैध कब्जा और मारपीट का आरोप लगाया है। पीड़िता ने बताया कि उसने वर्ष 2023 में भूमि क्रय की थी, जिस पर वह कब्जे में है और उसका नाम राजस्व अभिलेखों में दर्ज है। आरोप है कि 27 नवंबर 2025 को गांव के कुछ लोगों ने लाठी-डंडा व धारदार हथियार लेकर उसकी जमीन पर जबरन कब्जा करने का प्रयास किया और विरोध करने पर गाली-गलौज करते हुए मारपीट की। पीड़िता के अनुसार आरोपियों ने घर में घुसकर उसे जमीन पर पटक दिया और अश्लील हरकत की। महिला का कहना है कि पुलिस को सूचना देने और कई बार शिकायत करने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई। उसने मंडलायुक्त से आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर अवैध कब्जा हटवाने की मांग की है।
फलावदा नगर पंचायत में वर्ष 2026–27 के ठेकों की सार्वजनिक नीलामी संपन्न, 8.12 लाख में पैंठ ठेका छोड़ा गया
मोनू भाटी। मेरठ,फलावदा। नगर पंचायत फलावदा में  सोमवार को वार्षिक ठेके वर्ष 2026–27 की सार्वजनिक नीलामी का आयोजन किया गया। यह नीलामी नगर पंचायत अध्यक्ष श्री अशोक कुमार सैनी एवं अधिशासी अधिकारी श्री सचिन पंवार की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। नीलामी प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से नगर पंचायत परिसर में कराई गई, जिसमें बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों व जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति रही।
सबसे पहले बुधवार व शनिवार पैंठ (भूमि किराया) के ठेके की नकद नीलामी कराई गई। इस नीलामी में कुल 8 बोलीदाताओं ने भाग लिया। कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच श्री अनिल पुत्र श्री मदन, निवासी वार्ड नं. 2, मोहल्ला अम्बेडकर, कस्बा फलावदा ने सर्वाधिक 8,12,000 रुपये की बोली लगाकर प्रथम स्थान प्राप्त किया।
द्वितीय उच्चतम बोली श्री अकरम पुत्र श्री अखलाक, निवासी वार्ड नं. 9, मोहल्ला शहीद मेजर अब्दुल हमीद ने 8,11,000 रुपये की लगाई, जबकि तृतीय उच्चतम बोली श्री परविन्दर पुत्र श्री कालू, निवासी वार्ड नं. 8, मोहल्ला जूडवाला द्वारा 7,70,000 रुपये की रही।
नीलामी के दौरान बोली को और बढ़ाने के लिए कई प्रयास किए गए, लेकिन बोली आगे नहीं बढ़ सकी। अंततः सर्वाधिक बोलीदाता श्री अनिल को 8,12,000 रुपये में वर्ष 2026–27 के लिए बुधवार व शनिवार पैंठ (भूमि किराया) का ठेका प्रदान किया गया।
उल्लेखनीय है कि गत वर्ष यही ठेका 6,46,000 रुपये में छोड़ा गया था, जबकि इस वर्ष 1,66,000 रुपये अधिक बोली प्राप्त हुई है। इससे नगर पंचायत की आय में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, जिसे निकाय के लिए सकारात्मक उपलब्धि माना जा रहा है।
यह ठेका 08 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2027 तक के लिए प्रभावी रहेगा। ठेकेदार द्वारा नियमानुसार वसूली की प्रक्रिया 08 अप्रैल 2026 से प्रारंभ की जाएगी।
हालांकि, अन्य शेष ठेकों के लिए किसी भी बोलीदाता द्वारा बोली प्रस्तुत नहीं की गई, जिसके चलते वे ठेके आज की नीलामी में आवंटित नहीं किए जा सके।
इस अवसर पर सभासद  अनुराधा, नईम अनवर,  सोहनवीर सैनी,वकार आलम, नामित सभासद  विवेक कुमार सैनी, अश्वनी विश्नोई, नरेन्द्र खटीक सहित कई जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। इसके अतिरिक्त  रविन्द्र कुमार सैनी, मोहित तोमर, तनवीर, शहजाद,  शानू, सतबीर, शुभम अग्रवाल,  अनिरुद्ध कुमार,  रिंकू रस्तौगी, विपिन कुमार,  मनोज कुमार, मेघराज,  नय्यूम अनवर,  आरव प्रजापति,  मोहम्मद कसीम सहित अन्य गणमान्य नागरिक एवं नगर पंचायत कर्मचारीगण भी मौजूद रहे।नगर पंचायत प्रशासन ने इस सफल नीलामी के लिए सभी प्रतिभागियों और उपस्थित जनों का आभार व्यक्त किया तथा भविष्य में भी इसी प्रकार पारदर्शी प्रक्रिया अपनाने का आश्वासन दिया।
बलरामपुर महोत्सव में 5 वर्षीय अन्वीक्षा सिंह ने दिखाया अद्भुत नृत्य
बलरामपुर: बलरामपुर महोत्सव में एक से बढ़कर एक प्रस्तुतियां हुईं। इसी क्रम में 5 वर्षीय अन्वीक्षा सिंह ने 'बेटियों' गीत पर अपना मनमोहक नृत्य पेश कर सबका दिल जीत लिया। अन्वीक्षा की प्रस्तुति देख दर्शकों ने खड़े होकर उसका उत्साहवर्धन किया।

जिलाधिकारी डॉ. विपिन कुमार जैन ने अन्वीक्षा को सम्मानित किया और उसके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। अन्वीक्षा के पिता सौरभ सिंह ने बताया कि वह बचपन से ही नृत्य में रुचि रखती है और उसकी इस प्रतिभा को बलरामपुर महोत्सव में सम्मान मिला है।
यूसीसी और एक देश-एक चुनाव’, बीजेपी के स्थापना दिवस पर पीएम मोदी ने बता दिया टारगेट

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आज यानी 6 अप्रैल को भाजपा के लिए बहुत बड़ा दिन है। आज ही के दिन यानी 6 अप्रैल 1980 को पार्टी की स्थापना हुई थी। बीजेपी का आज अपना 47वां स्थापना दिवस मना रही है। पीएम मोदी ने इस अवसर पर बीजेपी कार्यकर्ताओं को खास संदेश दिया।

पीएम मोदी ने कार्यकर्ताओं को किया संबोधित

पीएम मोदी ने पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए भावुक संदेश दिया। उन्होंने कहा कि भाजपा सिर्फ एक राजनीतिक संगठन नहीं, बल्कि कार्यकर्ताओं के लिए “मां” के समान है। पीएम मोदी ने स्थापना दिवस का जिक्र करते हुए कहा कि यह हम कार्यकर्ताओं के लिए एक राजनीतिक आयोजन नहीं होता। ये हम सब कार्यकर्ताओं के लिए एक भावुक अवसर होता है। ये दिन हमें पार्टी के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का मौका देता है कि पार्टी ने हमें राष्ट्र सेवा का सौभाग्य दिया।

भाजपा ईमानदारी से कोशिश कर रही-पीएम मोदी

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा, ''देश जानता है, हर चुनौती का सामना करने के लिए भाजपा ईमानदारी से कोशिश कर रही है, आगे भी करेगी। पहले भी सकारात्मक नतीजे मिले हैं और आगे भी मिलेंगे। अंग्रेजों के दौर के सैकड़ों काले कानूनों का अंत, लोकतंत्र के लिए नए संसद भवन का निर्माण, सामान्य समाज के गरीबों के लिए 10 प्रतिशत आरक्षण, कानून बनाकर तीन तलाक पर रोक, सीएए, अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण ऐसे कितने ही काम हैं, जो भाजपा के ईमानदार प्रयासों का नतीजा हैं।''

हमारा मिशन अभी भी जारी-पीएम मोदी

पीएम मोदी ने कहा, हमारा मिशन अभी भी जारी है। उन्होंने कहा कि "समान नागरिक संहिता और एक देश-एक चुनाव ऐसे सभी विषयों पर आज देश में एक गंभीर चर्चा हो रही है। भाजपा के कार्यकर्ता जनता से जुड़े मुद्दों को उठाने में कभी पीछे नहीं हटते।उन्हें दृढ़ विश्वास था कि वे जो कड़ी मेहनत कर रहे हैं, उससे भारत का भविष्य बेहतर होगा।"

कार्यकर्ताओं के समर्पण को किया याद

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि "आज भाजपा जिस शिखर पर है, उसकी चमक सबको दिखती है, लेकिन यहां तक पहुंचने में लाखों कार्यकर्ताओं का जो श्रम है, उन्होंने तप, त्याग की पराकाष्ठा की है, ये वही जान सकता है, जो इस पार्टी के संकल्पों के लिए समर्पित होकर स्वयं इस साधना का हिस्सा रहा है। पीएओम मोदी ने कहा, कार्यकर्ताओं ने हर कठिनाई झेली, चाहे वह आपातकाल हो या कांग्रेस के शासन का दमन। कई कार्यकर्ताओं ने तो अपना जीवन भी बलिदान कर दिया। हमने पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों में देखा है, जहां हिंसा को एक राजनीतिक संस्कृति बना दिया गया है।"

हमने कार्यकर्ताओं का विशाल कैडर खड़ा किया

पीएम मोदी ने ने बीजेपी की यात्रा जिक्र करते हुए कहा, "राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के विशाल और पवित्र वट वृक्ष के नीचे हमें साफ नीयत के साथ सुचिता के साथ राजनीति में कदम रखने की प्रेरणा मिली। फिर शुरुआत के कुछ दशकों में हमने संगठन के लिए नीतियां निर्धारित करने में अपनी ऊर्जा लगाई। उसके बाद जो समय आया जब भाजपा ने पूरी निष्ठा के साथ खुद को एक सशक्त कैडर आधारित पार्टी बनाने में झोंक दिया। हमने कार्यकर्ताओं का ऐसा विशाल कैडर खड़ा किया, जिनमें सेवा भावना से काम करने का समर्पण था, जिन्होंने पार्टी के सिद्धांतों को अपने जीवन का आदर्श बनाया और जिन्होंने किसी भी परिस्थिति में अपने मूल्यों से समझौता स्वीकार नहीं किया।"

देश सेवा के संकल्प के साथ भूतपूर्व सैनिकों की बैठक संपन्न
रामेश्वर प्रजापति छांगुर

नगरा(बलिया)
कार्यालय भूतपूर्व सैनिक सेवा समिति, गड़वार मोड़ पर देश के प्रति समर्पण और समाज सेवा के संकल्प के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में समिति के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपने अनुभवों के आधार पर संगठन को और अधिक मजबूत बनाने पर जोर दिया।
बैठक की अध्यक्षता जनार्दन तिवारी ने की, जबकि संचालन प्रबंधक मोतीचन्द्र यादव द्वारा किया गया। इस अवसर पर राधेश्याम यादव, ह्रदयनन्द सिंह, राम कैलाश सिंह, सदाफल वर्मा, सुरेश यादव, अनिरुद्ध ठाकुर, दिनेश यादव एवं राधेश्याम वर्मा सहित अनेक भूतपूर्व सैनिक उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान पूर्व सैनिकों ने अपने सैन्य जीवन के अनुभवों को साझा करते हुए देश सेवा के प्रति अपनी अटूट निष्ठा को दोहराया। साथ ही भूतपूर्व सैनिकों की समस्याओं, उनके कल्याण, सम्मान एवं सामाजिक भागीदारी को बढ़ाने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।
वक्ताओं ने कहा कि भूतपूर्व सैनिक देश की अमूल्य धरोहर हैं, जिनका जीवन त्याग, अनुशासन और समर्पण का प्रतीक है। उन्होंने सभी सदस्यों से एकजुट होकर समाज सेवा और राष्ट्रहित में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
बैठक में संगठन के आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा भी तय की गई और इसे और सशक्त बनाने का संकल्प लिया गया। अंत में उपस्थित सभी सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए बैठक का समापन किया गया।
मऊ जिलाध्यक्ष जंगशेर बहादुर राणा के पिता श्री इंद्रदेव यादव जी के निधन पर भावपूर्ण श्रद्धांजलि
संजीव सिंह बलिया मऊ: 5 अप्रैल 2026: उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षामित्र संघ (UPPSMS) के मऊ जिले के  के क्रांतिकारी जिलाध्यक्ष जंगशेर बहादुर राणा के पूज्य पिता श्री इंद्रदेव यादव जी का 26 मार्च 2026 को असामयिक निधन हो गया। उनके निधन की दुखद सूचना ने समस्त परिवार, संघ परिवार और पूरे समुदाय में गहन शोक की लहर पैदा कर दी है। श्री इंद्रदेव यादव जी एक सादगीपूर्ण और सम्मानित जीवन जीने वाले व्यक्ति थे, जिनकी स्मृतियां हमेशा सबके दिलों में जीवित रहेंगी।श्रद्धांजलि सभा का भव्य आयोजन उनकी पावन स्मृति में एक गरिमापूर्ण श्रद्धांजलि सभा का आयोजन 5 अप्रैल 2026 (रविवार) को पूर्वाह्न 11:00 बजे से अपराह्न 4:00 बजे तक उनके पैतृक गांव स्थित डॉ. लोहिया पूर्व माध्यमिक विद्यालय, फतेहपुर डोड़हरा (अकोल्ही मुबारकपुर), डाकघर- बीबीपुर, घोसी, जनपद मऊ में किया गया। सभा में बड़ी संख्या में शिक्षामित्र बंधु, पदाधिकारी और सम्मानित जनों ने भाग लिया। सभी ने सादगी और भावुकता के साथ उपस्थित होकर दिवंगत आत्मा को श्रद्धा सुमन अर्पित किए। यह आयोजन न केवल शोक व्यक्त करने का माध्यम बना, बल्कि संघ के एकजुट स्वरूप को भी दर्शाया।प्रमुख पदाधिकारियों की उपस्थिति और श्रद्धांजलि इस अवसर पर विभिन्न क्षेत्रों से आए प्रमुख नेताओं ने अपनी उपस्थिति से सभा को विशेष गरिमा प्रदान की। लखनऊ से पधारे उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षामित्र संघ के लोकप्रिय प्रदेश महामंत्री सुशील कुमार यादव ने दिवंगत आत्मा की प्रशंसा करते हुए उनके त्यागपूर्ण जीवन पर प्रकाश डाला। काशी की धरती से आए जाबांज प्रदेश उपाध्यक्ष तथा वाराणसी जिलाध्यक्ष अजय कुमार सिंह व लखनऊ जिलाध्यक्ष हरिनाम सिंह ने संघ के सिद्धांतों के अनुरूप श्रद्धांजलि दी।आजमगढ़ मंडल के सभी सम्मानित पदाधिकारी भी उपस्थित रहे, जिनमें मंडल अध्यक्ष अनिल यादव, महामंत्री भरत यादव, मंडल वरिष्ठ उपाध्यक्ष संजीव कुमार सिंह, मंडल संरक्षक सरल यादव, मंडल कोषाध्यक्ष दिलीप प्रसाद, मंडल संगठन मंत्री हरिकेश मौर्य, आजमगढ़ जिला अध्यक्ष देवसी यादव तथा महामंत्री हीरालाल सरोज शामिल थे।मऊ जिले से संरक्षक रामकवल यादव महामंत्री विद्यासागर, वरिष्ठ उपाध्यक्ष चंद्रभान यादव, कोषाध्यक्ष राजेश मिश्रा, अशोक यादव, संजीव यादव, महेश यादव, ओमप्रकाश चौहान, हरिगोविंद, रमेश चौहान तथा लालबहादुर यशवंत समेत अन्य सभी सम्मानित जनों ने भी सादगीपूर्वक भागीदारी की। सभी ने एक स्वर में शोक संवेदना व्यक्त की और परिवार के प्रति एकजुटता दिखाई।शोक संदेश और प्रार्थनासभा के अंत में सभी ने ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत श्री इंद्रदेव यादव जी की आत्मा को शांति प्रदान करें तथा शोकाकुल परिवार को इस दुख को सहने की शक्ति दें। यह आयोजन UPPSMS के सौहार्दपूर्ण और संघर्षपूर्ण चरित्र को एक बार पुनः रेखांकित करता है।
असम के आदिवासियों के न्याय का मुद्दा राजनीति से ऊपर: हेमंत सोरेन

झारखंड के मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन ने रविवार को एक्स पोस्ट के जरिए कहा - असम की धरती पर एक ऐसा सच दबा दिया गया है, जिसे जितना कहा जाए, सबको बताया जाए, उतना कम है।

असम के चाय बागानों में पीढ़ियों से रह रहे आदिवासी समाज को आज तक एसटी का संवैधानिक दर्जा नहीं मिला। यह सामान्य चूक नहीं है, यह राष्ट्रीय स्तर का अन्याय है। एक ऐसा अन्याय, जिसे इतिहास कभी माफ़ नहीं करेगा।

उन्होंने कहा कि सोचिए, जिन लोगों को अंग्रेज़ों ने उनके घरों से दूर लाकर इस मिट्टी से बांध दिया, जिन्होंने अपने खून-पसीने से असम की अर्थव्यवस्था खड़ी की, उन्हीं को आज तक उनके अस्तित्व की मान्यता नहीं दी गई।

आजादी के बाद भी दशकों तक सरकारें बदलती रहीं, नेतृत्व बदलता रहा, लेकिन इस समाज का दर्द नहीं बदला। सबसे पीड़ादायक बात यह है कि जिन्होंने बड़े-बड़े वादे किए, उन्होंने भी इस मुद्दे को अपनी प्राथमिकता नहीं बनाया। यहां तक कि सत्ता में बैठी पार्टियों ने भी इसे अपने घोषणापत्र तक में जगह नहीं दी।

मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन ने कहा क्या यह सवाल नहीं उठना चाहिए कि आख़िर एक पूरे समाज को उसके संवैधानिक अधिकार से वंचित क्यों रखा गया?

जब तक न्याय अधूरा है, तब तक लोकतंत्र भी अधूरा है

मैं यह स्पष्ट कहना चाहता हूं - यह मुद्दा राजनीति से ऊपर है। यह न्याय, सम्मान और पहचान का सवाल है। असम के आदिवासी समाज को अब और इंतज़ार नहीं कराया जा सकता।

उन्हें उनका अधिकार मिलना ही चाहिए - पूरा अधिकार, संवैधानिक अधिकार, और सम्मान के साथ। अब समय आ गया है कि देश इस अन्याय को स्वीकार करे और उसे ठीक करे।

क्योंकि जब तक न्याय अधूरा है, तब तक लोकतंत्र भी अधूरा है।