आजमगढ़:-दीदारगंज पुलिस ने 220लीटर अवैध शराब को नष्ट किया
वी कुमार यदुवंशी
आजमगढ़। गुरुवार को दीदारगंज थाना में माननीय न्यायालय मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट आजमगढ़ के आदेश दिनांक 22-12-2025,के अनुपालन में व माननीय न्यायालय एस डी एम मार्टीनगंज द्वारा गठित टीम के अनुपालन में नायब तहसीलदार मार्टीनगंज अरून प्रकाश कौल व हल्का लेखपाल योगिता सिंह , थाना दीदारगंज प्रभारी निरीक्षक जय प्रकाश यादव,उप निरीक्षक रज्जन द्विवेदी,,हेड मोहर्रिर बृजेश प्रसाद,हो0गार्ड अमरनाथ सिंह की मौजूदगी में नियमानुसार वातावरण को ध्यान में रखते हुए माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा निर्गत आदेश व निर्देशों का अक्षरशः पालन करते हुए आबकारी अधिनियम से संबंधित कुल 220लीटर शराब का विनिष्टीकरण किया गया।
कौंधियारा में हमारा आंगन हमारे बच्चे उत्सव का आयोजन।

●प्री-प्राइमरी शिक्षा के महत्व पर दिया गया संदेश।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।यमुनानगर अन्तर्गत राज्य परियोजना कार्यालय के निर्देशानुसार विकास खण्ड कौंधियारा में बुधवार को हमारा आंगन हमारे बच्चे उत्सव का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य जनसमुदाय को पूर्व प्राथमिक शिक्षा के महत्व, निपुण भारत अभियान तथा 3 से 6 आयु वर्ग के बच्चों के समग्र विकास से अवगत कराना रहा।कार्यक्रम में बताया गया कि प्रदेश को निपुण प्रदेश बनाने के लक्ष्य की प्राप्ति हेतु बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा प्री-प्राइमरी स्तर पर कई महत्वपूर्ण पहल की जा रही हैं। को-लोकेटेड आंगनबाड़ी केंद्रों एवं बालवाटिकाओं में उपलब्ध कराई गई शैक्षिक सामग्री जैसे खिलौने, टीएलएम-वंडर बॉक्स, स्टेशनरी, लर्निंग कॉर्नर, बालमैत्री फर्नीचर, आउटडोर प्ले सामग्री एवं बाला फीचर्स की जानकारी दी गई। साथ ही बच्चों के सीखने-सिखाने में माताओं की भूमिका, नामांकन एवं नियमित उपस्थिति के महत्व पर भी प्रकाश डाला गया।

कार्यक्रम में रंगोली एवं मंच सज्जा का कार्य ममता कनौजिया, गीता रानी, शालिनी, रश्मि कटियार एवं रिचा मोहिनी द्वारा किया गया। कार्यक्रम का संचालन नीरज कुमार मिश्र एवं बद्री प्रसाद मिश्र ने किया।सरस्वती वंदना का सुंदर प्रस्तुतीकरण रश्मि सिंह एवं प्रिया द्विवेदी ने किया, जबकि स्वागत गीत अजमतुन निशा द्वारा प्रस्तुत किया गया। टीएलएम प्रस्तुतीकरण नीतू सेंगर एवं वंदना श्रीवास्तव ने किया।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि ब्लॉक प्रमुख संघ के जिलाध्यक्ष इंद्रनाथ मिश्र रहे।

विशिष्ट अतिथि के रूप में अरुण अवस्थी, एडीओ पंचायत प्रेमचन्द्र, उमेश वर्मा, विजय शुक्ल, अनिमेष श्रीवास्तव, हेमन्त त्रिपाठी, प्रभाशंकर ओझा, सविता शर्मा, अरुण ओझा, डॉ. हेमलता सिंह, सुनील कुमार, फिदा हुसैन, विनोद सिंह, राजेश सिंह, मनेन्द्र सिंह, योगेश कुमार, उत्कर्ष द्विवेदी, निहाल त्रिपाठी, धीरज तिवारी, राहुल तिवारी, आलोक सिंह, विकास सिंह सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के माध्यम से अभिभावकों एवं जनसमुदाय को आंगनबाड़ी केंद्रों एवं बालवाटिकाओं की भूमिका, ईसीसीई एजुकेटर के कार्यों तथा बच्चों के सर्वांगीण विकास के प्रति जागरूक किया गया।

करछना के खाई–कैथी गांव में आबकारी विभाग की दबिश भारी मात्रा में लहन व कच्ची शराब जब्त।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।यमुनानगर अन्तर्गत करछना थाना क्षेत्र के खाई और कैथी गांव में गुरुवार सुबह आबकारी विभाग ने अवैध शराब निर्माण के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की। प्रयागराज आबकारी आयुक्त के निर्देशन में सहायक आबकारी आयुक्त सुनील कुमार के नेतृत्व में चली इस छापेमारी से क्षेत्र में हड़कंप मच गया।आबकारी विभाग की टीम ने पुलिस बल के साथ गांवों में तालाबो मकानों के आसपास तथा अन्य संदिग्ध स्थानों पर सघन तलाशी अभियान चलाया।

इस दौरान अवैध शराब बनाने के लिए तैयार किया गया करीब ढाई हजार किलो लहन तथा लगभग डेढ़ सौ लीटर कच्ची शराब बरामद की गई। बरामद लहन को मौके पर ही नष्ट कराया गया जबकि कच्ची शराब को जब्त कर आवश्यक कार्रवाई की गई।अधिकारियों के अनुसार लम्बे समय से इन गांवो में अवैध शराब के निर्माण और बिक्री की शिकायते मिल रही थीं। इसी के मद्देनजर यह कार्रवाई की गई।सहायक आबकारी आयुक्त सुनील कुमार ने बताया कि अवैध शराब कारोबार के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।छापेमारी के बाद से क्षेत्र में अवैध कारोबारियो में भय का माहौल है।

यूजीसी के नए नियम के खिलाफ सड़कों पर उमड़ा स्वर्णों का हुजूम

उपेन्द्र कुमार पांडेय

आजमगढ़:: सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद ली राहत की सांस, जुलूस में प्रशासन से हुई धक्का मुक्की, राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री को भेजा ज्ञापन, कहा वर्तमान में सामान्य वर्ग सबसे ज्यादा शोषण का शिकार है ।आजमगढ़ कलेक्ट्रेट पर गुरुवार को यूजीसी के विवादित नियम को लेकर दिन में जमकर हंगामा हुआ।
आपसी संवाद के जरिए गुरुवार को पहले तो शहर के चौक स्थित वेस्ली कॉलेज में सवर्णों का जमावड़ा हुआ।

जिसके बाद वहां से जुलूस निकला जो अग्रसेन चौक होते हुए घंटाघर, फिर वहां से पोस्ट ऑफिस से कलेक्ट्रेट पहुंचा था। इस बीच जगह जगह पुलिस प्रशासन और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का मुक्की भी देखने को मिली।

इस दौरान लोगों ने कहा कि अब शिक्षण संस्थानों में भी अमली जामा पहनाने की कोशिश की जा रही।
जबकि पहले से जारी नियम में यह था कि अगर कोई गलत आरोप लगाता है तो उस पर भी मुकदमा दर्ज होना चाहिए।
लेकिन इसको बदलकर एक तरफा कर दिया गया।
एससी एसटी एक्ट का जिस तरह से दुरुपयोग हो रहा है ऐसे में सवर्ण का कोई प्रतिनिधित्व नहीं रहेगा तो भेदभाव होता रहेगा। हम स्वर्ण खुद ही शोषित वंचित हो गए। हालांकि इस यूजीसी 2026 के नए नियम पर जब सुप्रीम कोर्ट ने रोक लगाई तो स्वर्णों ने राहत की सांस ली है।
Mirzapur : गंगा घाटों से शिल्ट हटाने के नाम पर नपा का लंबा खेल, पहली बार  27.40 लाख का भुगतान
*नगर पालिका में लूट का आरोप, राष्ट्रवादी मंच ने जिलाधिकारी को सौंपा पत्रक, जांच की मांग

मिर्जापुर। नगर पालिका परिषद मिर्जापुर में विकास एवं जनहित कार्यों के नाम पर बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताओं और भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। मामले को लेकर राष्ट्रवादी मंच के अध्यक्ष मनोज श्रीवास्तव ने कमिश्नर और जिलाधिकारी को शिकायती पत्र सौंपा। मुलाकात कर निष्पक्ष एवं तकनीकी जांच कराने की मांग की गई है। कहा गया है कि कल तक जिस घाट की सफाई मुफ्त होती थी, उस पर पहली बार करीब 27.40 लाख रुपए खर्च दिखाकर गोलमाल किया गया है। सौंपे गए पत्र में कहा गया है कि नगर पालिका के सिविल निर्माण कार्यों एवं जलकल विभाग में पेयजल आपूर्ति मद के अंतर्गत नियमों की अनदेखी कर करोड़ों रुपये का दुरुपयोग किया जा रहा है। विभागीय लोगों की मिलीभगत से बिना टेंडर ओवर-इस्टीमेटिंग, फर्जी बिलिंग एवं मनमाने टेंडर कराए जा रहे हैं। कोटा पूर्ति के लिए बाद में टेंडर कराया जा रहा है। बताया कि गंगा घाटों की सिल्ट सफाई को लेकर श्रमदान का प्रचार किया गया, जबकि इसकी आड़ में नगर पालिका के अभियंताओं द्वारा सफाई कार्यों के नाम पर भारी-भरकम बजट तैयार कर लाखों से करोड़ों रुपये का भुगतान किया गया। जबकि स्थानीय स्वयंसेवी संस्थाएं एवं सामाजिक संगठन पूर्व से ही श्रमदान के माध्यम से घाटों की सफाई करते आ रहे हैं। इसी तरह
तमाम कार्यों को टेंडर जारी होने से पहले ही पूर्ण करा लिया गया। कार्य पूर्ण होने के बाद औपचारिकता निभाने के लिए निविदा प्रकाशित की गई, जिससे नियमों की खुलेआम अवहेलना हुई है। जलकल विभाग में भी चल रहे खेल का आंकलन इसी से किया जा सकता है कि कुछ ही महीनों के भीतर उन्हें मरम्मत योग्य दर्शाकर दोबारा भुगतान करा लिया गया। साथ ही मरम्मत एवं सामग्री आपूर्ति के नाम पर चहेती फर्मों से फर्जी बिलिंग कर सरकारी धन का दुरुपयोग किया गया। मामले को लेकर कमिश्नर और जिलाधिकारी से मांग की गई है कि पूरे प्रकरण की स्वतंत्र तकनीकी एवं वित्तीय जांच कराई जाए, संदिग्ध टेंडरों को निरस्त किया जाए तथा दोषी अधिकारियों व कर्मचारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करते हुए उनपर निलंबन की जाए, ताकि जांच न प्रभावित होने पाए। बिना निविदा कराए गए कार्यों को जनहित में श्रमदान घोषित करने की मांग की गई हैं। पत्रक सौंपने वालों में रवि पुरवार, आनंद अग्रवाल, पारस मिश्र, मधुकर पांडेय, विनोद पांडेय एवं अनिल गुप्ता आदि शामिल रहे।
आजमगढ़। टैक्स बार ने बुलाई आपात बैठक, चुनाव अधिकारी पर लगाया धांधली का आरोप,
उपेन्द्र कुमार पांडेय

आजमगढ़:: मनमाने ढंग से समाचार पत्र में चुनाव प्रक्रिया का कराया प्रकाशन, एल्डर कमेटी ने की चुनाव के नई तारीख की घोषणा।

एल्डर कमेटी चुनाव 2026 के मद्देनजर गुरुवार को डिस्ट्रिक्ट टैक्स बार एसोसिएशन की एक आपात बैठक बुलाई गई। बैठक में सभी सदस्यों की सहमति से नवनियुक्त चुनाव अधिकारी एडवोकेट जय प्रकाश यादव ने बताया कि 4 फरवरी को टैक्स बार एसोसिएशन के एल्डर कमेटी के चुनाव का निर्णय लिया गया है।
जिसके क्रम में 30 जनवरी को पर्चा दाखिला, 31 को जांच और 2 फरवरी को वापसी फिर चुनाव प्रक्रिया संपन्न करायी जाएगी।

चुनाव अधिकारी जय प्रकाश ने आरोप लगाया कि यह चुनाव बीते 2 जनवरी को होना था जबकि धांधली की मंशा से इसकी तिथि 28 फरवरी को निर्धारित कर दी गई। और चुनाव के दिन तत्कालीन चुनाव अधिकारी द्वारा नियमों को ताख पर रखकर पर्चे की वैद्यता और अवैधता पर सवाल खड़ा करते हुए चुनाव कराने से इंकार कर दिया गया। इतना ही नहीं चुनाव अधिकारी द्वारा पपत्रों का दुरपयोग करते हुए फर्जी तरीके से चुनाव प्रक्रिया का अखबार में प्रकाशन भी करा दिया गया।बार के 50 से भी अधिक सदस्यो ने इसकी कड़ी निंदा करते हुए चुनाव कराने की नई तिथि की घोषणा कर दी।
98 कॉलेजों के 188 शिक्षक बनाए गए परीक्षक


नितेश श्रीवास्तव


भदोही। माध्यमिक शिक्षा परिषद की इंटरमीडिएट की प्रयोगात्मक परीक्षाएं शुरू हो गई हैं। इसमें 98 कॉलेजों के 188 शिक्षकों को बतौर परीक्षक बनाया गया है। सभी को पहले चरण की चल रही परीक्षा कराने के लिए भेजा गया है। स्कूलों में परीक्षा कराने के बाद सभी शिक्षक दो फरवरी तक जिले में आ जाएंगे। यूपी बोर्ड परीक्षा 18 फरवरी से शुरू हो रही है। उसके पहले परिषद की ओर से प्रायोगिक परीक्षा कराई जा रही है। दो चरण में होने वाली परीक्षा का पहला चरण 24 जनवरी से एक फरवरी जबकि दूसरा चरण दो फरवरी से नौ फरवरी तक चलेगी। परिषद की ओर से परीक्षा को कराने के लिए जिलास्तर से ही शिक्षकों को बतौर परीक्षक बनाया गया है। भदोही के 98 कॉलेजों के 188 शिक्षकों को परीक्षक बनाकर पहले चरण की परीक्षा कराने के लिए भेजा गया है। जिला विद्यालय निरीक्षक अंशुमान ने बताया कि करीब 188 शिक्षकों को परिषद ने परीक्षक बनाया है। वह पहले चरण की परीक्षा कराने गए हैं। दो फरवरी तक वह जिले में आ जाएंगे। दूसरे चरण में जिले की प्रायोगिक परीक्षा के लिए दूसरे जिले के शिक्षक आएंगे। उन्होंने बताया कि प्रायोगिक परीक्षा कराने की तैयारी की जा रही है।

*सीसीटीवी और वायस रिकॉर्डिंग में होंगे प्रैक्टिकल*

डीआईओएस अंशुमान ने बताया कि विद्यालयों की ओर से प्रयोगात्मक परीक्षाएं अनिवार्य रूप से वायस रिकार्डर युक्त सीसीटीवी की निगरानी में कराई जाएगी। इसकी रिकार्डिंग डीवीआर में संबंधित विद्यालय के प्रधानाचार्यों द्वारा अपने पास सुरक्षित रखना होगा। इसे आवश्यकता पड़ने पर परिषद कार्यालय को उपलब्ध
31 को विशेष अभियान में बूथों पर रहेंगे बीएलओ


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। उप जिला निर्वाचन अधिकारी कुंवर वीरेंद्र मौर्य ने कहा कि विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण अभियान के तहत 31 जनवरी को विशेष अभियान चलाया जाएगा। इस दिन सभी बीएलओ अपने-अपने बूथों पर मतदाता सूची संग फार्म छह, सात और आठ लेकर उपस्थित रहेंगे। जिन मतदाताओं का नाम मतदाता सूची में शामिल होने से छूट गया है वह फॉर्म छह भरेंगे। निवास परिवर्तन होने पर फार्म आठ जबकि मतदाता सूची से मृतक, शिफ्टेड, डुप्लीकेट को हटाने के लिए फॉर्म सात भरा जाएगा। उन्होंने बताया कि पूर्व में एक फरवरी रविवार को आयोजन होना था, लेकिन संत रविदास की जयंती के कारण उसे 31 जनवरी किया गया है। उन्होंने सभी बीएलओ को निर्देश दिया कि 31 जनवरी की सुबह 10.30 बजे से शाम 4.30 बजे तक बूथ पर रहेंगे।
UGC के नए नियम पर सुप्रीम कोर्ट ने लगाई रोक, कहा-दुरुपयोग का खतरा

#supreme_court_stayed_ugc_equity_regulations_2026

Image 2Image 3

विश्वविद्यालय अनुदान आयोग यानी यूजीसी के नए नियमों को लेकर पूरे देशभर में जबरदस्त विरोध हो रहा है। नए नियमों को चुनौती देने वाली जनहित याचिका पर आज सुप्रीम कोर्ट में मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ के सामने सुनवाई हुई है। अब सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले पर सुनवाई करते हुए बड़ा फैसला किया है और यूजीसी के नियम पर फिलहाल रोक लगा दी है।

केंद्र को नोटिस जारी, 19 मार्च तक मांगा जवाब

सीजेआई सूर्यकांत की बेंच कहा कि ये प्रावधान पहली नज़र में अस्पष्ट हैं और इनका गलत इस्तेमाल हो सकता है। सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र को नोटिस जारी किया और जवाब तलब किया। सीजेआई सूर्यकांत ने केंद्र सरकार को रेगुलेशंस को फिर से बनाने के लिए कहा है, तब तक इनका संचालन रोक दिया गया है। अदालत ने केंद्र सरकार और यूजीसी को नोटिस जारी कर 19 मार्च तक जवाब देने को कहा है।

कोर्ट ने पूछा अहम सवाल

सुप्रीम कोर्ट ने यूजीसी के 23 जनवरी को जारी किए गए 'उच्च शिक्षा संस्थानों में समानता को बढ़ावा देने' वाले नियमों में इस्तेमाल किए गए शब्दों पर सवाल उठाए। जस्टिस बागची ने कहा कि रेगुलेशन में इस्तेमाल किए गए शब्दों से ऐसा लगता है कि इनका दुरुपयोग हो सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि हम समाज में एक निष्पक्ष और सबको साथ लेकर चलने वाला माहौल बनाना चाहते हैं। जस्टिस बागची ने एक महत्वपूर्ण सवाल उठाया कि जब पहले से ही 3 'E' मौजूद हैं, तो फिर 2 'C' की क्या जरूरत पड़ जाती है? यह सवाल नियमों की प्रासंगिकता पर उठाया गया था।

दरअलस, यूजीसी के नए नियमों पर बीते कुछ दिनों से बवाल जारी है। सवर्ण तबके के स्टूडेंट्स इन नियमों का विरोध कर रहे हैं। सुप्रीम कोर्ट ने एक दिन पहले यानी बुधवार को ही यूजीसी नियमों के खिलाफ दायर याचिका पर सुनवाई करने के लिए हामी भरी थी। याचिका में कहा गया है कि ये नियम जनरल कैटेगरी के छात्रों के खिलाफ भेदभाव पैदा कर सकते हैं। मामला राहुल देवन और अन्य बनाम केंद्र सरकार है। सीजेआई सूर्यकांत ने याचिका को सुनवाई के लिए आज लिस्ट किया था।

सीमा सिंह ने बच्चों को कंबल वितरित कर बढ़ाई उनके चेहरों की मुस्कान
मुंबई। आज के बच्चे ही कल के जिम्मेदार नागरिक, नेता, और राष्ट्र निर्माता हैं। उनका शिक्षित, स्वस्थ, सुरक्षित और संस्कारित होना ही भारत के "विकसित और आत्मनिर्भर" बनने की मजबूत नींव है। यही कारण है कि प्रतिष्ठित सामाजिक संस्था मेघाश्रेय  की राष्ट्रीय अध्यक्ष सीमा सिंह हमेशा बच्चों को प्रोत्साहित करती रहती हैं। बच्चों से उनका गहरा लगाव है, यही कारण है कि बच्चे उन्हें मां के नाम से बुलाते हैं। बच्चों की पढ़ाई लिखाई से लेकर उनकी हर आवश्यक जरूरत को पूरा करने का प्रयास करती है।

इस समय जबकि मुंबई में ठंड मौसम है। गरीब परिवारों के पास अपने बच्चों को ठंडी से बचाने के लिए गर्म कपड़ों की कमी है। इस बात का एहसास करते हुए सीमा सिंह ने आज बांद्रा पश्चिम के अलमेडा पार्क में संस्था से जुड़े सैकड़ो बच्चों को कंबल वितरित किया। एक एक बच्चे को उन्होंने अपने पास बुलाया और प्यार से उसके सिर पर हाथ रखकर मातृत्व का बोध कराते हुए कंबल वितरित किया। ठंड मौसम में कंबल प्रकार बच्चों के चेहरे खिल उठे। बच्चों को कंबल वितरित करते समय सीमा सिंह भी भावुक नजर आ रही थी।

सीमा सिंह का मानना है कि अगर बच्चे स्वस्थ और शिक्षित है तो देश का भविष्य सुंदर है। पूरे देश में बच्चों के प्रति उनकी संस्था द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना की जाती रही है। सीमा सिंह के प्रयासों से हजारों बच्चों को आगे बढ़ने का अवसर मिला है। आज उनकी संस्था के सहयोग से अनेक बच्चे विभिन्न क्षेत्रों में नाम रोशन कर रहे हैं।
आजमगढ़:-दीदारगंज पुलिस ने 220लीटर अवैध शराब को नष्ट किया
वी कुमार यदुवंशी
आजमगढ़। गुरुवार को दीदारगंज थाना में माननीय न्यायालय मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट आजमगढ़ के आदेश दिनांक 22-12-2025,के अनुपालन में व माननीय न्यायालय एस डी एम मार्टीनगंज द्वारा गठित टीम के अनुपालन में नायब तहसीलदार मार्टीनगंज अरून प्रकाश कौल व हल्का लेखपाल योगिता सिंह , थाना दीदारगंज प्रभारी निरीक्षक जय प्रकाश यादव,उप निरीक्षक रज्जन द्विवेदी,,हेड मोहर्रिर बृजेश प्रसाद,हो0गार्ड अमरनाथ सिंह की मौजूदगी में नियमानुसार वातावरण को ध्यान में रखते हुए माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा निर्गत आदेश व निर्देशों का अक्षरशः पालन करते हुए आबकारी अधिनियम से संबंधित कुल 220लीटर शराब का विनिष्टीकरण किया गया।
कौंधियारा में हमारा आंगन हमारे बच्चे उत्सव का आयोजन।

●प्री-प्राइमरी शिक्षा के महत्व पर दिया गया संदेश।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।यमुनानगर अन्तर्गत राज्य परियोजना कार्यालय के निर्देशानुसार विकास खण्ड कौंधियारा में बुधवार को हमारा आंगन हमारे बच्चे उत्सव का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य जनसमुदाय को पूर्व प्राथमिक शिक्षा के महत्व, निपुण भारत अभियान तथा 3 से 6 आयु वर्ग के बच्चों के समग्र विकास से अवगत कराना रहा।कार्यक्रम में बताया गया कि प्रदेश को निपुण प्रदेश बनाने के लक्ष्य की प्राप्ति हेतु बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा प्री-प्राइमरी स्तर पर कई महत्वपूर्ण पहल की जा रही हैं। को-लोकेटेड आंगनबाड़ी केंद्रों एवं बालवाटिकाओं में उपलब्ध कराई गई शैक्षिक सामग्री जैसे खिलौने, टीएलएम-वंडर बॉक्स, स्टेशनरी, लर्निंग कॉर्नर, बालमैत्री फर्नीचर, आउटडोर प्ले सामग्री एवं बाला फीचर्स की जानकारी दी गई। साथ ही बच्चों के सीखने-सिखाने में माताओं की भूमिका, नामांकन एवं नियमित उपस्थिति के महत्व पर भी प्रकाश डाला गया।

कार्यक्रम में रंगोली एवं मंच सज्जा का कार्य ममता कनौजिया, गीता रानी, शालिनी, रश्मि कटियार एवं रिचा मोहिनी द्वारा किया गया। कार्यक्रम का संचालन नीरज कुमार मिश्र एवं बद्री प्रसाद मिश्र ने किया।सरस्वती वंदना का सुंदर प्रस्तुतीकरण रश्मि सिंह एवं प्रिया द्विवेदी ने किया, जबकि स्वागत गीत अजमतुन निशा द्वारा प्रस्तुत किया गया। टीएलएम प्रस्तुतीकरण नीतू सेंगर एवं वंदना श्रीवास्तव ने किया।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि ब्लॉक प्रमुख संघ के जिलाध्यक्ष इंद्रनाथ मिश्र रहे।

विशिष्ट अतिथि के रूप में अरुण अवस्थी, एडीओ पंचायत प्रेमचन्द्र, उमेश वर्मा, विजय शुक्ल, अनिमेष श्रीवास्तव, हेमन्त त्रिपाठी, प्रभाशंकर ओझा, सविता शर्मा, अरुण ओझा, डॉ. हेमलता सिंह, सुनील कुमार, फिदा हुसैन, विनोद सिंह, राजेश सिंह, मनेन्द्र सिंह, योगेश कुमार, उत्कर्ष द्विवेदी, निहाल त्रिपाठी, धीरज तिवारी, राहुल तिवारी, आलोक सिंह, विकास सिंह सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के माध्यम से अभिभावकों एवं जनसमुदाय को आंगनबाड़ी केंद्रों एवं बालवाटिकाओं की भूमिका, ईसीसीई एजुकेटर के कार्यों तथा बच्चों के सर्वांगीण विकास के प्रति जागरूक किया गया।

करछना के खाई–कैथी गांव में आबकारी विभाग की दबिश भारी मात्रा में लहन व कच्ची शराब जब्त।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।यमुनानगर अन्तर्गत करछना थाना क्षेत्र के खाई और कैथी गांव में गुरुवार सुबह आबकारी विभाग ने अवैध शराब निर्माण के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की। प्रयागराज आबकारी आयुक्त के निर्देशन में सहायक आबकारी आयुक्त सुनील कुमार के नेतृत्व में चली इस छापेमारी से क्षेत्र में हड़कंप मच गया।आबकारी विभाग की टीम ने पुलिस बल के साथ गांवों में तालाबो मकानों के आसपास तथा अन्य संदिग्ध स्थानों पर सघन तलाशी अभियान चलाया।

इस दौरान अवैध शराब बनाने के लिए तैयार किया गया करीब ढाई हजार किलो लहन तथा लगभग डेढ़ सौ लीटर कच्ची शराब बरामद की गई। बरामद लहन को मौके पर ही नष्ट कराया गया जबकि कच्ची शराब को जब्त कर आवश्यक कार्रवाई की गई।अधिकारियों के अनुसार लम्बे समय से इन गांवो में अवैध शराब के निर्माण और बिक्री की शिकायते मिल रही थीं। इसी के मद्देनजर यह कार्रवाई की गई।सहायक आबकारी आयुक्त सुनील कुमार ने बताया कि अवैध शराब कारोबार के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।छापेमारी के बाद से क्षेत्र में अवैध कारोबारियो में भय का माहौल है।

यूजीसी के नए नियम के खिलाफ सड़कों पर उमड़ा स्वर्णों का हुजूम

उपेन्द्र कुमार पांडेय

आजमगढ़:: सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद ली राहत की सांस, जुलूस में प्रशासन से हुई धक्का मुक्की, राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री को भेजा ज्ञापन, कहा वर्तमान में सामान्य वर्ग सबसे ज्यादा शोषण का शिकार है ।आजमगढ़ कलेक्ट्रेट पर गुरुवार को यूजीसी के विवादित नियम को लेकर दिन में जमकर हंगामा हुआ।
आपसी संवाद के जरिए गुरुवार को पहले तो शहर के चौक स्थित वेस्ली कॉलेज में सवर्णों का जमावड़ा हुआ।

जिसके बाद वहां से जुलूस निकला जो अग्रसेन चौक होते हुए घंटाघर, फिर वहां से पोस्ट ऑफिस से कलेक्ट्रेट पहुंचा था। इस बीच जगह जगह पुलिस प्रशासन और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का मुक्की भी देखने को मिली।

इस दौरान लोगों ने कहा कि अब शिक्षण संस्थानों में भी अमली जामा पहनाने की कोशिश की जा रही।
जबकि पहले से जारी नियम में यह था कि अगर कोई गलत आरोप लगाता है तो उस पर भी मुकदमा दर्ज होना चाहिए।
लेकिन इसको बदलकर एक तरफा कर दिया गया।
एससी एसटी एक्ट का जिस तरह से दुरुपयोग हो रहा है ऐसे में सवर्ण का कोई प्रतिनिधित्व नहीं रहेगा तो भेदभाव होता रहेगा। हम स्वर्ण खुद ही शोषित वंचित हो गए। हालांकि इस यूजीसी 2026 के नए नियम पर जब सुप्रीम कोर्ट ने रोक लगाई तो स्वर्णों ने राहत की सांस ली है।
Mirzapur : गंगा घाटों से शिल्ट हटाने के नाम पर नपा का लंबा खेल, पहली बार  27.40 लाख का भुगतान
*नगर पालिका में लूट का आरोप, राष्ट्रवादी मंच ने जिलाधिकारी को सौंपा पत्रक, जांच की मांग

मिर्जापुर। नगर पालिका परिषद मिर्जापुर में विकास एवं जनहित कार्यों के नाम पर बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताओं और भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। मामले को लेकर राष्ट्रवादी मंच के अध्यक्ष मनोज श्रीवास्तव ने कमिश्नर और जिलाधिकारी को शिकायती पत्र सौंपा। मुलाकात कर निष्पक्ष एवं तकनीकी जांच कराने की मांग की गई है। कहा गया है कि कल तक जिस घाट की सफाई मुफ्त होती थी, उस पर पहली बार करीब 27.40 लाख रुपए खर्च दिखाकर गोलमाल किया गया है। सौंपे गए पत्र में कहा गया है कि नगर पालिका के सिविल निर्माण कार्यों एवं जलकल विभाग में पेयजल आपूर्ति मद के अंतर्गत नियमों की अनदेखी कर करोड़ों रुपये का दुरुपयोग किया जा रहा है। विभागीय लोगों की मिलीभगत से बिना टेंडर ओवर-इस्टीमेटिंग, फर्जी बिलिंग एवं मनमाने टेंडर कराए जा रहे हैं। कोटा पूर्ति के लिए बाद में टेंडर कराया जा रहा है। बताया कि गंगा घाटों की सिल्ट सफाई को लेकर श्रमदान का प्रचार किया गया, जबकि इसकी आड़ में नगर पालिका के अभियंताओं द्वारा सफाई कार्यों के नाम पर भारी-भरकम बजट तैयार कर लाखों से करोड़ों रुपये का भुगतान किया गया। जबकि स्थानीय स्वयंसेवी संस्थाएं एवं सामाजिक संगठन पूर्व से ही श्रमदान के माध्यम से घाटों की सफाई करते आ रहे हैं। इसी तरह
तमाम कार्यों को टेंडर जारी होने से पहले ही पूर्ण करा लिया गया। कार्य पूर्ण होने के बाद औपचारिकता निभाने के लिए निविदा प्रकाशित की गई, जिससे नियमों की खुलेआम अवहेलना हुई है। जलकल विभाग में भी चल रहे खेल का आंकलन इसी से किया जा सकता है कि कुछ ही महीनों के भीतर उन्हें मरम्मत योग्य दर्शाकर दोबारा भुगतान करा लिया गया। साथ ही मरम्मत एवं सामग्री आपूर्ति के नाम पर चहेती फर्मों से फर्जी बिलिंग कर सरकारी धन का दुरुपयोग किया गया। मामले को लेकर कमिश्नर और जिलाधिकारी से मांग की गई है कि पूरे प्रकरण की स्वतंत्र तकनीकी एवं वित्तीय जांच कराई जाए, संदिग्ध टेंडरों को निरस्त किया जाए तथा दोषी अधिकारियों व कर्मचारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करते हुए उनपर निलंबन की जाए, ताकि जांच न प्रभावित होने पाए। बिना निविदा कराए गए कार्यों को जनहित में श्रमदान घोषित करने की मांग की गई हैं। पत्रक सौंपने वालों में रवि पुरवार, आनंद अग्रवाल, पारस मिश्र, मधुकर पांडेय, विनोद पांडेय एवं अनिल गुप्ता आदि शामिल रहे।
आजमगढ़। टैक्स बार ने बुलाई आपात बैठक, चुनाव अधिकारी पर लगाया धांधली का आरोप,
उपेन्द्र कुमार पांडेय

आजमगढ़:: मनमाने ढंग से समाचार पत्र में चुनाव प्रक्रिया का कराया प्रकाशन, एल्डर कमेटी ने की चुनाव के नई तारीख की घोषणा।

एल्डर कमेटी चुनाव 2026 के मद्देनजर गुरुवार को डिस्ट्रिक्ट टैक्स बार एसोसिएशन की एक आपात बैठक बुलाई गई। बैठक में सभी सदस्यों की सहमति से नवनियुक्त चुनाव अधिकारी एडवोकेट जय प्रकाश यादव ने बताया कि 4 फरवरी को टैक्स बार एसोसिएशन के एल्डर कमेटी के चुनाव का निर्णय लिया गया है।
जिसके क्रम में 30 जनवरी को पर्चा दाखिला, 31 को जांच और 2 फरवरी को वापसी फिर चुनाव प्रक्रिया संपन्न करायी जाएगी।

चुनाव अधिकारी जय प्रकाश ने आरोप लगाया कि यह चुनाव बीते 2 जनवरी को होना था जबकि धांधली की मंशा से इसकी तिथि 28 फरवरी को निर्धारित कर दी गई। और चुनाव के दिन तत्कालीन चुनाव अधिकारी द्वारा नियमों को ताख पर रखकर पर्चे की वैद्यता और अवैधता पर सवाल खड़ा करते हुए चुनाव कराने से इंकार कर दिया गया। इतना ही नहीं चुनाव अधिकारी द्वारा पपत्रों का दुरपयोग करते हुए फर्जी तरीके से चुनाव प्रक्रिया का अखबार में प्रकाशन भी करा दिया गया।बार के 50 से भी अधिक सदस्यो ने इसकी कड़ी निंदा करते हुए चुनाव कराने की नई तिथि की घोषणा कर दी।
98 कॉलेजों के 188 शिक्षक बनाए गए परीक्षक


नितेश श्रीवास्तव


भदोही। माध्यमिक शिक्षा परिषद की इंटरमीडिएट की प्रयोगात्मक परीक्षाएं शुरू हो गई हैं। इसमें 98 कॉलेजों के 188 शिक्षकों को बतौर परीक्षक बनाया गया है। सभी को पहले चरण की चल रही परीक्षा कराने के लिए भेजा गया है। स्कूलों में परीक्षा कराने के बाद सभी शिक्षक दो फरवरी तक जिले में आ जाएंगे। यूपी बोर्ड परीक्षा 18 फरवरी से शुरू हो रही है। उसके पहले परिषद की ओर से प्रायोगिक परीक्षा कराई जा रही है। दो चरण में होने वाली परीक्षा का पहला चरण 24 जनवरी से एक फरवरी जबकि दूसरा चरण दो फरवरी से नौ फरवरी तक चलेगी। परिषद की ओर से परीक्षा को कराने के लिए जिलास्तर से ही शिक्षकों को बतौर परीक्षक बनाया गया है। भदोही के 98 कॉलेजों के 188 शिक्षकों को परीक्षक बनाकर पहले चरण की परीक्षा कराने के लिए भेजा गया है। जिला विद्यालय निरीक्षक अंशुमान ने बताया कि करीब 188 शिक्षकों को परिषद ने परीक्षक बनाया है। वह पहले चरण की परीक्षा कराने गए हैं। दो फरवरी तक वह जिले में आ जाएंगे। दूसरे चरण में जिले की प्रायोगिक परीक्षा के लिए दूसरे जिले के शिक्षक आएंगे। उन्होंने बताया कि प्रायोगिक परीक्षा कराने की तैयारी की जा रही है।

*सीसीटीवी और वायस रिकॉर्डिंग में होंगे प्रैक्टिकल*

डीआईओएस अंशुमान ने बताया कि विद्यालयों की ओर से प्रयोगात्मक परीक्षाएं अनिवार्य रूप से वायस रिकार्डर युक्त सीसीटीवी की निगरानी में कराई जाएगी। इसकी रिकार्डिंग डीवीआर में संबंधित विद्यालय के प्रधानाचार्यों द्वारा अपने पास सुरक्षित रखना होगा। इसे आवश्यकता पड़ने पर परिषद कार्यालय को उपलब्ध
31 को विशेष अभियान में बूथों पर रहेंगे बीएलओ


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। उप जिला निर्वाचन अधिकारी कुंवर वीरेंद्र मौर्य ने कहा कि विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण अभियान के तहत 31 जनवरी को विशेष अभियान चलाया जाएगा। इस दिन सभी बीएलओ अपने-अपने बूथों पर मतदाता सूची संग फार्म छह, सात और आठ लेकर उपस्थित रहेंगे। जिन मतदाताओं का नाम मतदाता सूची में शामिल होने से छूट गया है वह फॉर्म छह भरेंगे। निवास परिवर्तन होने पर फार्म आठ जबकि मतदाता सूची से मृतक, शिफ्टेड, डुप्लीकेट को हटाने के लिए फॉर्म सात भरा जाएगा। उन्होंने बताया कि पूर्व में एक फरवरी रविवार को आयोजन होना था, लेकिन संत रविदास की जयंती के कारण उसे 31 जनवरी किया गया है। उन्होंने सभी बीएलओ को निर्देश दिया कि 31 जनवरी की सुबह 10.30 बजे से शाम 4.30 बजे तक बूथ पर रहेंगे।
UGC के नए नियम पर सुप्रीम कोर्ट ने लगाई रोक, कहा-दुरुपयोग का खतरा

#supreme_court_stayed_ugc_equity_regulations_2026

Image 2Image 3

विश्वविद्यालय अनुदान आयोग यानी यूजीसी के नए नियमों को लेकर पूरे देशभर में जबरदस्त विरोध हो रहा है। नए नियमों को चुनौती देने वाली जनहित याचिका पर आज सुप्रीम कोर्ट में मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ के सामने सुनवाई हुई है। अब सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले पर सुनवाई करते हुए बड़ा फैसला किया है और यूजीसी के नियम पर फिलहाल रोक लगा दी है।

केंद्र को नोटिस जारी, 19 मार्च तक मांगा जवाब

सीजेआई सूर्यकांत की बेंच कहा कि ये प्रावधान पहली नज़र में अस्पष्ट हैं और इनका गलत इस्तेमाल हो सकता है। सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र को नोटिस जारी किया और जवाब तलब किया। सीजेआई सूर्यकांत ने केंद्र सरकार को रेगुलेशंस को फिर से बनाने के लिए कहा है, तब तक इनका संचालन रोक दिया गया है। अदालत ने केंद्र सरकार और यूजीसी को नोटिस जारी कर 19 मार्च तक जवाब देने को कहा है।

कोर्ट ने पूछा अहम सवाल

सुप्रीम कोर्ट ने यूजीसी के 23 जनवरी को जारी किए गए 'उच्च शिक्षा संस्थानों में समानता को बढ़ावा देने' वाले नियमों में इस्तेमाल किए गए शब्दों पर सवाल उठाए। जस्टिस बागची ने कहा कि रेगुलेशन में इस्तेमाल किए गए शब्दों से ऐसा लगता है कि इनका दुरुपयोग हो सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि हम समाज में एक निष्पक्ष और सबको साथ लेकर चलने वाला माहौल बनाना चाहते हैं। जस्टिस बागची ने एक महत्वपूर्ण सवाल उठाया कि जब पहले से ही 3 'E' मौजूद हैं, तो फिर 2 'C' की क्या जरूरत पड़ जाती है? यह सवाल नियमों की प्रासंगिकता पर उठाया गया था।

दरअलस, यूजीसी के नए नियमों पर बीते कुछ दिनों से बवाल जारी है। सवर्ण तबके के स्टूडेंट्स इन नियमों का विरोध कर रहे हैं। सुप्रीम कोर्ट ने एक दिन पहले यानी बुधवार को ही यूजीसी नियमों के खिलाफ दायर याचिका पर सुनवाई करने के लिए हामी भरी थी। याचिका में कहा गया है कि ये नियम जनरल कैटेगरी के छात्रों के खिलाफ भेदभाव पैदा कर सकते हैं। मामला राहुल देवन और अन्य बनाम केंद्र सरकार है। सीजेआई सूर्यकांत ने याचिका को सुनवाई के लिए आज लिस्ट किया था।

सीमा सिंह ने बच्चों को कंबल वितरित कर बढ़ाई उनके चेहरों की मुस्कान
मुंबई। आज के बच्चे ही कल के जिम्मेदार नागरिक, नेता, और राष्ट्र निर्माता हैं। उनका शिक्षित, स्वस्थ, सुरक्षित और संस्कारित होना ही भारत के "विकसित और आत्मनिर्भर" बनने की मजबूत नींव है। यही कारण है कि प्रतिष्ठित सामाजिक संस्था मेघाश्रेय  की राष्ट्रीय अध्यक्ष सीमा सिंह हमेशा बच्चों को प्रोत्साहित करती रहती हैं। बच्चों से उनका गहरा लगाव है, यही कारण है कि बच्चे उन्हें मां के नाम से बुलाते हैं। बच्चों की पढ़ाई लिखाई से लेकर उनकी हर आवश्यक जरूरत को पूरा करने का प्रयास करती है।

इस समय जबकि मुंबई में ठंड मौसम है। गरीब परिवारों के पास अपने बच्चों को ठंडी से बचाने के लिए गर्म कपड़ों की कमी है। इस बात का एहसास करते हुए सीमा सिंह ने आज बांद्रा पश्चिम के अलमेडा पार्क में संस्था से जुड़े सैकड़ो बच्चों को कंबल वितरित किया। एक एक बच्चे को उन्होंने अपने पास बुलाया और प्यार से उसके सिर पर हाथ रखकर मातृत्व का बोध कराते हुए कंबल वितरित किया। ठंड मौसम में कंबल प्रकार बच्चों के चेहरे खिल उठे। बच्चों को कंबल वितरित करते समय सीमा सिंह भी भावुक नजर आ रही थी।

सीमा सिंह का मानना है कि अगर बच्चे स्वस्थ और शिक्षित है तो देश का भविष्य सुंदर है। पूरे देश में बच्चों के प्रति उनकी संस्था द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना की जाती रही है। सीमा सिंह के प्रयासों से हजारों बच्चों को आगे बढ़ने का अवसर मिला है। आज उनकी संस्था के सहयोग से अनेक बच्चे विभिन्न क्षेत्रों में नाम रोशन कर रहे हैं।