इस भीषण गर्मी में नवीन मण्डी समिति तुलसीपुर में पानी का टोटा, मजदूर वा आमजन बेहाल।

रिपोर्ट :-जय सिंह ‌‌        

बलरामपुर 21 अप्रैल तुलसीपुर के नवीन मंडी समिति में इस भीषण गर्मी में भी पीने का पानी नहीं है जिससे प्रतिदिन हजारों की संख्या में आने-जाने वालों को तथा जो मजदूर यहां काम करने आता है उसको पानी नहीं मुहैया हो पता है जिससे इस भीषण गर्मी में जबकि पानी की सबसे अधिक आवश्यकता है उसे खरीद कर पीना पड़ता है आखिर गरीब जाए तो कहां जाए, मंडी समिति में तमाम लोगों से इस पानी के बारे में जब पूछा गया तो उन्होंने बताया कि यह कई महीनो से ओवरहेड टैंक तथा पानी पीने का टंकी खराब हालत में पड़े हैं लोगों का कहना है कि प्रशासन इस पर तुरंत ध्यान दें। से जिससे इस भीषण गर्मी में लोगों की प्यास बुझाई जा सके।
यूएस-ईरान शांति वार्ताःडील के लिए ट्रंप खुद पहुंच सकते हैं पाकिस्तान

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अमेरिका और ईरान के बीच संभावित समझौते को लेकर कई अहम मुद्दों पर सहमति नहीं बन पा रही है। इस बीच खबर आ रही है कि डोनाल्ड ट्रंप भी ईरान के साथ इस्लामाबाद में होने वाली शांति वार्ता में समझौता होने की स्थिति में खुद भी शामिल हो सकते हैं।

रिपोर्ट्स के मुताबिक पाकिस्तान में अमेरिका और ईरान के बीच दूसरे राउंड की युद्धविराम वार्ता होने की उम्मीद अब काफी बढ़ गई है। समाचार एजेंसी रॉयटर्स ने चर्चा में शामिल एक पाकिस्तानी सूत्र के हवाल से कहा है कि बातचीत के फिर से शुरू करने की दिशा में प्रगति हो रही है। उन्होंने ये भी संकेत दिया है कि अगर ईरान के साथ कोई समझौता हो जाता है तो या तो खुद डोनाल्ड ट्रंप पाकिस्तान आ सकते हैं या फिर ऑनलाइन माध्यम से इसमें शामिल हो सकते हैं।

ट्रंप ने दी बम बरसाने की धमकी

ये खबर ऐसे वक्त में आई है, जब ईरान-अमेरिका वार्ता में लगातार गतिरोध चल रहा है। इसी बीच डोनाल्ड ट्रंप लगातार सोशल मीडिया पर सक्रिय हैं और उन्होंने दावा किया है कि ईरान को समझौता करना ही होगा। उन्होंने अपनी ताजा धमकी में कहा कि अगर ईरान समझौता नहीं करेगा, तो बम बरसेंगे। हालांकि इसके बाद भी ईरान ने अड़ियल रवैया जारी रखा है।

पाकिस्तान के लिए अब तक नहीं रवाना हुआ ईरानी प्रतिनिधिमंडल

ईरान की सरकारी टेलीविजन रिपोर्ट के अनुसार अभी तक कोई भी ईरानी प्रतिनिधिमंडल पाकिस्तान में होने वाली शांति वार्ता में भाग लेने के लिए रवाना नहीं हुआ है। यह वार्ता अमेरिका के साथ संभावित शांति वार्ता से जुड़ी बताई जा रही है, जिसे लेकर क्षेत्रीय स्तर पर काफी चर्चा बनी हुई है। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, ईरान की ओर से फिलहाल किसी भी डेलीगेशन के पाकिस्तान जाने की पुष्टि नहीं की गई है, जिससे इस बैठक को लेकर अनिश्चितता और बढ़ गई है।

इन मामलों पर विवाद बरकरार

-ईरान का परमाणु कार्यक्रम: अमेरिका चाहता है कि ईरान अपने परमाणु कार्यक्रम को पूरी तरह समाप्त करे, जबकि तेहरान का कहना है कि किसी भी प्रतिबंध की समयसीमा सीमित होनी चाहिए।

-यूरेनियम भंडार: डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन ईरान के लगभग 400 किलोग्राम उच्च संवर्धित यूरेनियम पर नियंत्रण चाहता है, लेकिन ईरान ने इस मांग को सिरे से खारिज कर दिया है।

-स्ट्रेट ऑफ होर्मुज: ईरान का कहना है कि वह इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग पर प्रतिबंध तब तक जारी रखेगा जब तक अमेरिका अपने प्रतिबंध नहीं हटाता, जबकि अमेरिका का रुख सख्त बना हुआ है।

-जमे हुए आर्थिक संपत्ति: ईरान करीब 20 अरब डॉलर की फ्रीज़्ड संपत्तियों को जारी करने और प्रतिबंधों में राहत की मांग कर रहा है।

-युद्ध क्षतिपूर्ति: तेहरान ने अमेरिका और इस्राइल के हमलों से हुए नुकसान के बदले लगभग 270 अरब डॉलर के मुआवजे की भी मांग उठाई है।

बीईओ पर अवैध वसूली का आरोप
आखिर कब तक भ्रष्टाचार पर मौन रहेंगे बेसिक शिक्षा अधिकारी

रितेश मिश्रा
हरदोई ग्राम लखनौर निवासी कुलदीप मिश्रा ने भरखनी बी ई ओ पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी को एक लिखित शिकायत पत्र देकर उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।

आरोप है कि भरखनी के खण्ड शिक्षा अधिकारी डॉ. सुनील कुमार सिंह द्वारा ब्लॉक के करीब 70 शिक्षकों से प्रति माह लगभग 5000 रुपये की अवैध वसूली की जा रही है।
यह वसूली शिक्षकों की कथित अनुपस्थिति के बदले “सेटिंग” के नाम पर की जाती है। बताया गया है कि कुछ शिक्षक महीने में कई दिन विद्यालय नहीं जाते, जबकि कुछ पूरे वर्ष ही अनुपस्थित रहते हैं और उनके लिए अलग दर निर्धारित है।

प्रतिवेदन में  उल्लेख किया गया है कि इस अवैध वसूली में एक अनुदेशक नितीश, जूनियर हाई स्कूल सवायजपुर, मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है और पूरी व्यवस्था उसी के माध्यम से संचालित हो रही है।

शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि कम्पोजिट ग्रांट की राशि में से भी लगभग 20 प्रतिशत तक की अवैध कटौती की जा रही है। इससे न केवल सरकारी धन का दुरुपयोग हो रहा है, बल्कि विद्यालयों की शैक्षिक व्यवस्था भी पूरी तरह प्रभावित हो रही है।

प्रार्थी ने अपने गांव समेत पूरे क्षेत्र के विद्यालयों में शिक्षा व्यवस्था के चौपट होने की बात कही है। उनका कहना है कि जहां एक ओर सरकार “स्कूल चलो अभियान” जैसे कार्यक्रम चला रही है, वहीं दूसरी ओर इस तरह की कथित अनियमितताएं सरकार की मंशा पर सवाल खड़े कर रही हैं।

शिकायतकर्ता ने यह भी आशंका जताई है कि संबंधित अधिकारी के पास सांडी विकास खण्ड का भी अतिरिक्त प्रभार है, जिससे वहां भी इसी प्रकार की अनियमितताओं की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।

प्रार्थी ने जिलाधिकारी से पूरे प्रकरण की निष्पक्ष एवं गोपनीय जांच कराते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त विभागीय एवं आपराधिक कार्रवाई की मांग की है, ताकि शिक्षा व्यवस्था में सुधार हो सके और सरकारी योजनाओं का सही लाभ विद्यार्थियों तक पहुंच सके।
लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है इसका पता जांच के बाद ही लग पाएगा
₹10 के स्टांप पर करोड़ों की सरकारी जमीन का खेल, पिहानी में नौटेरी से हो गई खरीद-फरोख्त!
गाटा संख्या 663 पर बड़ा फर्जीवाड़ा, राजस्व विभाग को जानकारी फिर भी कार्रवाई शून्य

बबलू प्रजापति पिहानी

पिहानी (हरदोई):
कस्बे में सरकारी जमीन की खरीद-फरोख्त का चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां महज ₹10 के स्टांप नोटरी के जरिए करोड़ों की सरकारी जमीन का सौदा कर दिया गया। मामला रामलीला मैदान के निकटगाटा संख्या 663 से जुड़ा है, जो सरकारी अभिलेखों में रास्ते की दर्ज भूमि बताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार, ग्राम आटा बुजुर्ग (जिला शाहजहांपुर) निवासी दिलशेर पुत्र नब्बू शाह एवं सईक द्वारा वर्ष 2017 में करीब ₹2.35 लाख में जमीन खरीदने का दावा किया गया। हैरानी की बात यह है कि यह खरीद-फरोख्त रजिस्ट्री के बजाय सिर्फ नोटरी पर की गई, जबकि संबंधित जमीन सरकारी बताई जा रही है। सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि करोड़ों की इस सरकारी जमीन का सौदा ₹10 के साधारण स्टांप पेपर पर नोटरी के जरिए कर दिया गया। जबकि नियमों के अनुसार सरकारी जमीन की खरीद-फरोख्त न तो संभव है और न ही नोटरी के जरिए वैध मानी जाती है। इसके बावजूद खुलेआम इस तरह का खेल होना प्रशासनिक लापरवाही या मिलीभगत की ओर इशारा करता है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि करोड़ों की कीमत वाली इस जमीन को नियमों को दरकिनार कर दबंगई के दम पर कब्जाने की कोशिश की गई। पूरे मामले की जानकारी राजस्व विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों को होने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है, जिससे प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।

प्रदेश में सख्त कानून व्यवस्था और बुलडोजर कार्रवाई के दावों के बीच पिहानी का यह मामला प्रशासनिक उदासीनता और दबंगों के हौसलों की कहानी बयां कर रहा है। अब देखना यह होगा कि संबंधित विभाग इस प्रकरण में कब तक कार्रवाई करता है या फिर मामला यूं ही फाइलों में दबकर रह जाएगा।
लखनऊ में रोड शो को लेकर ट्रैफिक व्यवस्था बदली, सुबह 6 बजे से डायवर्जन लागू
लखनऊ। राजधानी के हजरतगंज क्षेत्र में आज प्रस्तावित रोड शो के चलते शहर की यातायात व्यवस्था में बड़ा बदलाव किया गया है। लखनऊ ट्रैफिक पुलिस ने आम जनता की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सुबह 6 बजे से आवश्यकतानुसार ट्रैफिक डायवर्जन लागू करने का निर्णय लिया है।
जारी निर्देशों के अनुसार, हजरतगंज, विधानसभा, जीपीओ और आसपास के प्रमुख मार्गों पर सामान्य यातायात प्रतिबंधित रहेगा। लालबत्ती चौराहा, डीएसओ चौराहा, सिकन्दरबाग, परिवर्तन चौक, पार्क रोड और गोमतीनगर की ओर से आने-जाने वाले वाहनों को इन मार्गों पर जाने की अनुमति नहीं होगी।
ट्रैफिक पुलिस ने इन मार्गों के लिए वैकल्पिक रास्ते भी तय किए हैं। वाहन चालक कटाईपुल, शहीद पथ (जी-20 चौराहा), कमता तिराहा, कैण्ट, कुंवर जगदीश चौराहा, केकेसी तिराहा, बर्लिंगटन चौराहा और ग्रीन कॉरिडोर के रास्ते अपने गंतव्य तक पहुंच सकेंगे। इसके अलावा डालीगंज, सीडीआरआई, पिपराघाट और दिलकुशा मार्गों का भी उपयोग किया जा सकता है।
रोडवेज और सिटी बसों के रूट में भी बदलाव किया गया है। चारबाग, कैसरबाग और चौक जाने वाली बसों को ग्रीन कॉरिडोर और डालीगंज के रास्ते भेजा जाएगा, जबकि गोमतीनगर की ओर जाने वाली बसें कैंट और कटाईपुल मार्ग से चलेंगी। हजरतगंज और विधानसभा की ओर बसों का संचालन पूरी तरह बंद रहेगा।
ट्रैफिक पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि आपातकालीन सेवाओं जैसे एम्बुलेंस, फायर ब्रिगेड और शव वाहन को आवश्यकता पड़ने पर प्रतिबंधित मार्गों से भी गुजरने की अनुमति दी जाएगी। इसके लिए ट्रैफिक कंट्रोल रूम का हेल्पलाइन नंबर 9454405155 जारी किया गया है, जिस पर संपर्क कर सहायता ली जा सकती है।प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे घर से निकलने से पहले रूट की जानकारी जरूर ले लें और डायवर्जन का पालन करें, ताकि किसी प्रकार की असुविधा से बचा जा सके।
एलडीए की ओटीएस योजना को मिला अच्छा प्रतिसाद, 110 आवंटियों ने किया आवेदन

लखनऊ। लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) की एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) को आवंटियों का अच्छा प्रतिसाद मिल रहा है। सोमवार को 85 आवंटियों ने योजना के तहत आवेदन किया। इसके साथ ही अब तक कुल 110 आवेदन प्राप्त हो चुके हैं।

एलडीए मुख्यालय में स्थापित हेल्प डेस्क पर कर्मचारियों द्वारा आवंटियों को योजना की विस्तृत जानकारी दी गई। साथ ही ऑनलाइन आवेदन पत्र भरने में भी सहयोग प्रदान किया गया।

योजना का लाभ अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने के लिए एलडीए अपनी विभिन्न योजनाओं में विशेष शिविर भी आयोजित कर रहा है। इसी क्रम में जानकीपुरम विस्तार सेक्टर-7 स्थित आश्रयहीन योजना, भवानी मार्केट में लगाए गए ओटीएस कैंप का संचालन सोमवार को किया गया, जो मंगलवार 21 अप्रैल को भी जारी रहेगा।

उप सचिव माधवेश कुमार ने बताया कि कॉल सेंटर और आईटी सेल के माध्यम से बकायेदारों को फोन, मैसेज और ई-मेल भेजकर योजना की जानकारी दी जा रही है। यह योजना 18 अप्रैल से 17 जुलाई 2026 तक लागू रहेगी।

* दंड एवं चक्रवृद्धि ब्याज में मिलेगी राहत

यह योजना एलडीए की सभी प्रकार की आवासीय एवं व्यावसायिक संपत्तियों, सरकारी संस्थाओं को आवंटित संपत्तियों, स्कूल भूखंडों, चैरिटेबल संस्थाओं, नीलामी अथवा अन्य पद्धति से आवंटित संपत्तियों, सहकारी आवास समितियों तथा मानचित्र संबंधी मामलों पर लागू की गई है।

समय पर किश्तें जमा न करने के कारण जिन आवंटियों पर दंड ब्याज और चक्रवृद्धि ब्याज लगाया गया है, वे इस योजना का लाभ उठा सकते हैं। योजना के तहत दंड ब्याज में छूट मिलेगी, जिससे आवंटी बकाया धनराशि जमा कर अपनी संपत्ति का स्वामित्व प्राप्त कर सकेंगे।

आजमगढ़:-भव्य आयोजन में मनी भगवान परशुराम जयंती, ब्राह्मण समाज ने किया व्यक्तित्व-कृतित्व का गुणगान

वी कुमार यदुवंशी
आजमगढ़। फूलपुर तहसील क्षेत्र के अम्बारी पाण्डेय का पूरा में सोमवार को भगवान परशुराम की जयंती बड़े ही हर्षोल्लास और श्रद्धा के साथ मनाई गई। यह आयोजन एक शादी समारोह के दौरान ब्राह्मण समाज कल्याण परिषद, तहसील फूलपुर इकाई के तत्वावधान में संपन्न हुआ, जिसमें समाज के गणमान्य लोगों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित वक्ताओं ने भगवान परशुराम के जीवन, उनके आदर्शों और उनके द्वारा स्थापित सामाजिक मूल्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि भगवान परशुराम केवल एक महान योद्धा ही नहीं, बल्कि धर्म, न्याय और सत्य के प्रतीक भी थे। उनके जीवन से समाज को अन्याय के खिलाफ खड़े होने और सदैव धर्म के मार्ग पर चलने की प्रेरणा मिलती है। इस अवसर पर पंडित देव नाथ पाण्डेय, केश भान पाण्डेय, सौरभ पाण्डेय, लोकेश पाण्डेय, पद्मेश पाण्डेय, त्रयम्बकेश्वर पाण्डेय, अंकित मिश्रा और मनीष तिवारी सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में भगवान परशुराम के आदर्शों को अपनाने का संकल्प लिया और समाज में एकता एवं नैतिकता को बढ़ावा देने पर जोर दिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सिद्धेश्वर पाण्डेय ने की, जबकि संचालन पंडित देबनाथ पाण्डेय द्वारा किया गया। आयोजन के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया और एक-दूसरे को जयंती की शुभकामनाएं दीं।
सीबीआई करेगी अस्मिता मिश्रा हत्याकांड की जांच, हाई कोर्ट ने दिया आदेश
मुंबई। मुंबई के प्रसिद्ध समाजसेवी अमर मिश्रा की बेटी अस्मिता मिश्रा की ‘हत्या’ के मामले की जांच अब केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) करेगी। बॉम्बे हाई कोर्ट के न्यायाधीश द्वय सारंग कोतवाल और संदेश पाटिल की खंडपीठ ने 16 अप्रैल को इस आशय का आदेश सीबीआई को दिया। अमर मिश्रा मुंबई के उपनगर मालाड में रहते हैं। उनकी पुत्री अस्मिता मिश्रा (26) की शादी ठाणे जिले के मीरा रोड में रहने वाले मनीष मिश्रा के बेटे अभय मिश्रा के साथ 20 नवंबर 2021 को हुई थी। 12 मई 2022 को गौना हुआ था। गौने के बाद से ही मनीष मिश्रा अमर मिश्रा से उनके मीरा रोड के फ्लैट को अभय मिश्रा के नाम पर कर देने की ज़िद करने लगा। बहाने से 35 लाख रुपए कीमत का डायमंड भी मांगने लगा। इसको लेकर पूरा परिवार अस्मिता को प्रताड़ित करने लगा। अस्मिता का गर्भपात भी करवा दिया।
22 फरवरी 2023 को अस्मिता ने फ़ोन कर अमर मिश्रा को बताया कि ससुराल वालों ने उसकी पिटाई कर दी है। वे तलाक माँग रहे हैं। अमर मिश्रा ने पत्नी सहित अस्मिता से उसके ससुराल जाकर मुलाक़ात की तब माफी मांग कर शांत कर दिया। इस बीच 24 फरवरी 2023 को अभय मिश्रा ने अमर मिश्रा को सूचित किया कि अस्मिता ने फाँसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। अस्मिता को वॉकहार्ट हॉस्पिट मीरा रोड लाया है,   पंडित भीमसेन जोशी जनरल अस्पताल में पोस्टमार्टम हुआ।अमर मिश्रा रिश्तेदारों के साथ अस्पताल पहुंचे तो अस्मिता के शरीर पर चोट के निशान दिखे। शव की फोटो लेने लगे तो पति अभय मिश्रा ने धमकाया कि इसका परिणाम बुरा होगा। इधर काशीमीरा पुलिस स्टेशन का सीनियर इंस्पेक्टर संदीप कदम ADR लिखकर शांत बैठ गया था। वह अमर मिश्रा का कोई तर्क सुन ही नहीं रहा था। सोशल मीडिया पर अपील कर अमर मिश्रा ने 27 फरवरी 2023 को काशीमीरा पुलिस स्टेशन पर मोर्चा निकाल दिया। तब संदीप कदम ने आईपीसी की धारा 304(बी), 306, 420, 406, 313, 323, 498(ए), 504, r/w 34, 3 और 4 के तहत एफआईआर (संख्या-147/2023) दर्ज कर ससुर मनीष मिश्रा, सास प्रेमलता मिश्रा, ननद पायल मिश्रा, ननद पूर्णिमा मिश्रा और देवर जयराज मिश्रा को गिरफ्तार कर लिया। पति अभय मिश्रा को बॉम्बे हाई कोर्ट से गिरफ्तारी पूर्व जमानत मिल गई।
अमर मिश्रा चाहते थे कि आरोपियों के ख़िलाफ़ हत्या का मामला दर्ज हो। परिस्थितियाँ बताती थीं कि यह स्पष्ट रूप से हत्या है। जैसे कि परिवार ने बताया था कि वे दरवाज़ा तोड़कर कमरे में गए। परंतु दरवाज़ा टूटने का कोई प्रमाण नहीं मिला। अस्मिता ने जिस ओढ़नी से फाँसी लगाई थी वह पंखे पर लटकी मिली जबकि पंचनामा में पुलिस ने लिखा कि वह बेड पर थी। अस्मिता के शव का पोस्टमार्टम करने वाली डॉक्टर तेजश्री सोनवणे ने लिखा था कि उसने सुबह 9.30 बजे से 10.30 बजे के बीच पोस्टमॉर्टम किया, जबकि बायोमीट्रिक अटेंडेंस सुबह 9.51.04 बजे आई थी।
पूरे मामले में ऐसी बहुत सी विसंगतियां मिलीं। अमर मिश्रा ने एडवोकेट घनश्याम उपाध्याय (लॉ ज्यूरिस) के मार्फ़त मामले की सीबीआई जाँच करवाने की मांग को लेकर बॉम्बे हाई में पिटीशन दाख़िल कर दी। बॉम्बे हाई कोर्ट ने शुरुआत में ऑर्डर पास किया कि मामले की जाँच जे.जे. अस्पताल के सीनियर डॉक्टर से करायें। जे. जे. अस्पताल ने सीनियर डॉक्टर के बजाय जूनियर डॉक्टर से जांच करवा दी। उधर डॉक्टर तेजश्री सोनवणे कहती रही कि वह पोस्टमार्टम करना नहीं जानती। जूनियर डॉक्टर ने जांच रिपोर्ट में बताया कि यह आत्महत्या का मामला है। वकील घनश्याम उपाध्याय के युक्तिवाद से प्रेरित बॉम्बे हाई कोर्ट ने मामले को सीबीआई के सुपुर्द कर दिया।
*खान-पान एवं लू के कारण पेट मरीजों की संख्या बढ़ी*


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। कालीन नगरी में इन दिनों हीटवेव के हालात बनने शुरू हो गए हैं। आगामी दिनों में राहत की उम्मीदें नहीं हैं। उधर, खान-पान एवं लू के कारण पेट मरीजों की संख्या बढ़ी है। ऐसे में बचाव से ही खुद को बीमार होने से बचाया जा सकता है। उधर, सरकारी अस्पतालों में इन दिनों डायरिया, पेट के रोगियों की संख्या 30 फीसदी तक पहुंच गई है। डाक्टरों को इलाज करने में पसीने छूट जा रहे हैं। बता दें कि इन दिनों सूबे के साथ ही कालीन नगरी में गर्मी का प्रकोप जारी है। पुरवाई के बाद भी पारा दिन का करीब 43 डिग्री के पार जबकि रात का 30 डिग्री के नीचे नहीं आ रहा है।
उधर, इन दिनों शादियों की धूम है। इसके कारण लोग देर रात भोजन कर रहे हैं। अब ऐसे में पेट दर्द, डायरिया के मरीजों की संख्या ज्यादा देखी जा रही है। जिला अस्पताल ज्ञानपुर एवं महाराजा बलवंत सिंह राजकीय अस्पताल भदोही में इन दिनों मौसमी बीमारियों के मरीजों की भरमार नजर आ रही है। तेज धूप की तपिश से हवा भी झुलसा रही है। ऐसे में हीट स्ट्रोक का खतरा बढ़ गया है। अचानक घर से बाहर पैदल एवं बाइक से निकलकर धूप में जाना खतरनाक साबित हो सकता है।डाक्टरों ने कहा कि हर घंटे पर एक गिलास पानी या फिर तरल पदार्थ का सेवन करते रहें। दोपहर में यदि निकलना बेहद जरूरी हो तो धूप से बचने के लिए छाता लगाकर निकलें या फिर गमछा आदि से सिर और चेहरे को पूरी तरह से ढककर गर्म हवा से सुरक्षित रखें।बीमारी से बचाव को यह करें-फल एवं गन्ने का जूस, नारियल पानी का प्रयोग करें कच्चे आम को भूनकर पना बनाकर पीएं धूप में निकलने से पहले सिर को अच्छी तरह से ढकें0 बच्चे, महिलाएं, बुजुर्ग धूप में निकलने से बचें दिन भर में कम से कम आठ से 10 गिलास पानी पीएं।शरीर में पानी की मात्रा बनाए रखें और दोपहर में घर से निकलने से बचें गर्मी में बहुत ज्यादा कड़ी मेहनत करने से बचें। धूप से बचने के लिए छाता, गमछा, दुपट्टा एवं हैट का इस्तेमाल करें
Sambhal जनगणना 2027 की तैयारी तेज- मकान सूचीकरण के लिए मैदान में उतरे प्रगणक, शुरू हुआ विशेष प्रशिक्षण
जनगणना 2027 को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में पहले चरण, यानी मकान सूचीकरण और मकानों की गणना के लिए व्यापक स्तर पर प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया गया है। डिस्ट्रिक्ट फील्ड ट्रेनर रितेश कुमार ने बताया कि यह प्रक्रिया बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि इसी आधार पर आगे की जनगणना का ढांचा तैयार होगा।

उन्होंने जानकारी दी कि इस कार्य में लगे सुपरवाइजर और प्रगणकों को तीन-तीन दिन का विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रशिक्षण को प्रभावी बनाने के लिए अलग-अलग बैच बनाए गए हैं। फिलहाल पहले दिन चार बैचों में प्रशिक्षण चल रहा है, जबकि आने वाले दिनों में अन्य बैचों को भी इसी तरह प्रशिक्षित किया जाएगा। यह पूरी प्रक्रिया क्षेत्रवार विभाजन के आधार पर संचालित की जा रही है, ताकि हर क्षेत्र में सही और सटीक जानकारी जुटाई जा सके। रितेश कुमार ने बताया कि जनगणना के पहले चरण में मकानों की पहचान और वर्गीकरण पर विशेष जोर दिया जा रहा है। इसमें यह समझाया जा रहा है कि भवन और मकान में क्या अंतर होता है, परिवार की परिभाषा क्या है और लोगों की रहन-सहन की स्थिति को किस तरह दर्ज किया जाएगा। यह डेटा भविष्य की योजनाओं और नीतियों के निर्माण में अहम भूमिका निभाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जनगणना का दूसरा चरण फरवरी में शुरू होगा, जिसमें व्यक्तियों की गणना की जाएगी। यानी पहले चरण में जहां मकानों और आवासीय ढांचे की जानकारी जुटाई जा रही है, वहीं दूसरे चरण में जनसंख्या से जुड़ी विस्तृत जानकारी एकत्र की जाएगी। कुल मिलाकर, जनगणना 2027 को लेकर प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है और प्रशिक्षित टीम के जरिए इस महाअभियान को सफल बनाने की दिशा में तेजी से काम किया जा रहा है।
इस भीषण गर्मी में नवीन मण्डी समिति तुलसीपुर में पानी का टोटा, मजदूर वा आमजन बेहाल।

रिपोर्ट :-जय सिंह ‌‌        

बलरामपुर 21 अप्रैल तुलसीपुर के नवीन मंडी समिति में इस भीषण गर्मी में भी पीने का पानी नहीं है जिससे प्रतिदिन हजारों की संख्या में आने-जाने वालों को तथा जो मजदूर यहां काम करने आता है उसको पानी नहीं मुहैया हो पता है जिससे इस भीषण गर्मी में जबकि पानी की सबसे अधिक आवश्यकता है उसे खरीद कर पीना पड़ता है आखिर गरीब जाए तो कहां जाए, मंडी समिति में तमाम लोगों से इस पानी के बारे में जब पूछा गया तो उन्होंने बताया कि यह कई महीनो से ओवरहेड टैंक तथा पानी पीने का टंकी खराब हालत में पड़े हैं लोगों का कहना है कि प्रशासन इस पर तुरंत ध्यान दें। से जिससे इस भीषण गर्मी में लोगों की प्यास बुझाई जा सके।
यूएस-ईरान शांति वार्ताःडील के लिए ट्रंप खुद पहुंच सकते हैं पाकिस्तान

#donaldtrumpmayvisitpakistanforpeacetalkswith_iran

अमेरिका और ईरान के बीच संभावित समझौते को लेकर कई अहम मुद्दों पर सहमति नहीं बन पा रही है। इस बीच खबर आ रही है कि डोनाल्ड ट्रंप भी ईरान के साथ इस्लामाबाद में होने वाली शांति वार्ता में समझौता होने की स्थिति में खुद भी शामिल हो सकते हैं।

रिपोर्ट्स के मुताबिक पाकिस्तान में अमेरिका और ईरान के बीच दूसरे राउंड की युद्धविराम वार्ता होने की उम्मीद अब काफी बढ़ गई है। समाचार एजेंसी रॉयटर्स ने चर्चा में शामिल एक पाकिस्तानी सूत्र के हवाल से कहा है कि बातचीत के फिर से शुरू करने की दिशा में प्रगति हो रही है। उन्होंने ये भी संकेत दिया है कि अगर ईरान के साथ कोई समझौता हो जाता है तो या तो खुद डोनाल्ड ट्रंप पाकिस्तान आ सकते हैं या फिर ऑनलाइन माध्यम से इसमें शामिल हो सकते हैं।

ट्रंप ने दी बम बरसाने की धमकी

ये खबर ऐसे वक्त में आई है, जब ईरान-अमेरिका वार्ता में लगातार गतिरोध चल रहा है। इसी बीच डोनाल्ड ट्रंप लगातार सोशल मीडिया पर सक्रिय हैं और उन्होंने दावा किया है कि ईरान को समझौता करना ही होगा। उन्होंने अपनी ताजा धमकी में कहा कि अगर ईरान समझौता नहीं करेगा, तो बम बरसेंगे। हालांकि इसके बाद भी ईरान ने अड़ियल रवैया जारी रखा है।

पाकिस्तान के लिए अब तक नहीं रवाना हुआ ईरानी प्रतिनिधिमंडल

ईरान की सरकारी टेलीविजन रिपोर्ट के अनुसार अभी तक कोई भी ईरानी प्रतिनिधिमंडल पाकिस्तान में होने वाली शांति वार्ता में भाग लेने के लिए रवाना नहीं हुआ है। यह वार्ता अमेरिका के साथ संभावित शांति वार्ता से जुड़ी बताई जा रही है, जिसे लेकर क्षेत्रीय स्तर पर काफी चर्चा बनी हुई है। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, ईरान की ओर से फिलहाल किसी भी डेलीगेशन के पाकिस्तान जाने की पुष्टि नहीं की गई है, जिससे इस बैठक को लेकर अनिश्चितता और बढ़ गई है।

इन मामलों पर विवाद बरकरार

-ईरान का परमाणु कार्यक्रम: अमेरिका चाहता है कि ईरान अपने परमाणु कार्यक्रम को पूरी तरह समाप्त करे, जबकि तेहरान का कहना है कि किसी भी प्रतिबंध की समयसीमा सीमित होनी चाहिए।

-यूरेनियम भंडार: डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन ईरान के लगभग 400 किलोग्राम उच्च संवर्धित यूरेनियम पर नियंत्रण चाहता है, लेकिन ईरान ने इस मांग को सिरे से खारिज कर दिया है।

-स्ट्रेट ऑफ होर्मुज: ईरान का कहना है कि वह इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग पर प्रतिबंध तब तक जारी रखेगा जब तक अमेरिका अपने प्रतिबंध नहीं हटाता, जबकि अमेरिका का रुख सख्त बना हुआ है।

-जमे हुए आर्थिक संपत्ति: ईरान करीब 20 अरब डॉलर की फ्रीज़्ड संपत्तियों को जारी करने और प्रतिबंधों में राहत की मांग कर रहा है।

-युद्ध क्षतिपूर्ति: तेहरान ने अमेरिका और इस्राइल के हमलों से हुए नुकसान के बदले लगभग 270 अरब डॉलर के मुआवजे की भी मांग उठाई है।

बीईओ पर अवैध वसूली का आरोप
आखिर कब तक भ्रष्टाचार पर मौन रहेंगे बेसिक शिक्षा अधिकारी

रितेश मिश्रा
हरदोई ग्राम लखनौर निवासी कुलदीप मिश्रा ने भरखनी बी ई ओ पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी को एक लिखित शिकायत पत्र देकर उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।

आरोप है कि भरखनी के खण्ड शिक्षा अधिकारी डॉ. सुनील कुमार सिंह द्वारा ब्लॉक के करीब 70 शिक्षकों से प्रति माह लगभग 5000 रुपये की अवैध वसूली की जा रही है।
यह वसूली शिक्षकों की कथित अनुपस्थिति के बदले “सेटिंग” के नाम पर की जाती है। बताया गया है कि कुछ शिक्षक महीने में कई दिन विद्यालय नहीं जाते, जबकि कुछ पूरे वर्ष ही अनुपस्थित रहते हैं और उनके लिए अलग दर निर्धारित है।

प्रतिवेदन में  उल्लेख किया गया है कि इस अवैध वसूली में एक अनुदेशक नितीश, जूनियर हाई स्कूल सवायजपुर, मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है और पूरी व्यवस्था उसी के माध्यम से संचालित हो रही है।

शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि कम्पोजिट ग्रांट की राशि में से भी लगभग 20 प्रतिशत तक की अवैध कटौती की जा रही है। इससे न केवल सरकारी धन का दुरुपयोग हो रहा है, बल्कि विद्यालयों की शैक्षिक व्यवस्था भी पूरी तरह प्रभावित हो रही है।

प्रार्थी ने अपने गांव समेत पूरे क्षेत्र के विद्यालयों में शिक्षा व्यवस्था के चौपट होने की बात कही है। उनका कहना है कि जहां एक ओर सरकार “स्कूल चलो अभियान” जैसे कार्यक्रम चला रही है, वहीं दूसरी ओर इस तरह की कथित अनियमितताएं सरकार की मंशा पर सवाल खड़े कर रही हैं।

शिकायतकर्ता ने यह भी आशंका जताई है कि संबंधित अधिकारी के पास सांडी विकास खण्ड का भी अतिरिक्त प्रभार है, जिससे वहां भी इसी प्रकार की अनियमितताओं की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।

प्रार्थी ने जिलाधिकारी से पूरे प्रकरण की निष्पक्ष एवं गोपनीय जांच कराते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त विभागीय एवं आपराधिक कार्रवाई की मांग की है, ताकि शिक्षा व्यवस्था में सुधार हो सके और सरकारी योजनाओं का सही लाभ विद्यार्थियों तक पहुंच सके।
लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है इसका पता जांच के बाद ही लग पाएगा
₹10 के स्टांप पर करोड़ों की सरकारी जमीन का खेल, पिहानी में नौटेरी से हो गई खरीद-फरोख्त!
गाटा संख्या 663 पर बड़ा फर्जीवाड़ा, राजस्व विभाग को जानकारी फिर भी कार्रवाई शून्य

बबलू प्रजापति पिहानी

पिहानी (हरदोई):
कस्बे में सरकारी जमीन की खरीद-फरोख्त का चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां महज ₹10 के स्टांप नोटरी के जरिए करोड़ों की सरकारी जमीन का सौदा कर दिया गया। मामला रामलीला मैदान के निकटगाटा संख्या 663 से जुड़ा है, जो सरकारी अभिलेखों में रास्ते की दर्ज भूमि बताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार, ग्राम आटा बुजुर्ग (जिला शाहजहांपुर) निवासी दिलशेर पुत्र नब्बू शाह एवं सईक द्वारा वर्ष 2017 में करीब ₹2.35 लाख में जमीन खरीदने का दावा किया गया। हैरानी की बात यह है कि यह खरीद-फरोख्त रजिस्ट्री के बजाय सिर्फ नोटरी पर की गई, जबकि संबंधित जमीन सरकारी बताई जा रही है। सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि करोड़ों की इस सरकारी जमीन का सौदा ₹10 के साधारण स्टांप पेपर पर नोटरी के जरिए कर दिया गया। जबकि नियमों के अनुसार सरकारी जमीन की खरीद-फरोख्त न तो संभव है और न ही नोटरी के जरिए वैध मानी जाती है। इसके बावजूद खुलेआम इस तरह का खेल होना प्रशासनिक लापरवाही या मिलीभगत की ओर इशारा करता है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि करोड़ों की कीमत वाली इस जमीन को नियमों को दरकिनार कर दबंगई के दम पर कब्जाने की कोशिश की गई। पूरे मामले की जानकारी राजस्व विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों को होने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है, जिससे प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।

प्रदेश में सख्त कानून व्यवस्था और बुलडोजर कार्रवाई के दावों के बीच पिहानी का यह मामला प्रशासनिक उदासीनता और दबंगों के हौसलों की कहानी बयां कर रहा है। अब देखना यह होगा कि संबंधित विभाग इस प्रकरण में कब तक कार्रवाई करता है या फिर मामला यूं ही फाइलों में दबकर रह जाएगा।
लखनऊ में रोड शो को लेकर ट्रैफिक व्यवस्था बदली, सुबह 6 बजे से डायवर्जन लागू
लखनऊ। राजधानी के हजरतगंज क्षेत्र में आज प्रस्तावित रोड शो के चलते शहर की यातायात व्यवस्था में बड़ा बदलाव किया गया है। लखनऊ ट्रैफिक पुलिस ने आम जनता की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सुबह 6 बजे से आवश्यकतानुसार ट्रैफिक डायवर्जन लागू करने का निर्णय लिया है।
जारी निर्देशों के अनुसार, हजरतगंज, विधानसभा, जीपीओ और आसपास के प्रमुख मार्गों पर सामान्य यातायात प्रतिबंधित रहेगा। लालबत्ती चौराहा, डीएसओ चौराहा, सिकन्दरबाग, परिवर्तन चौक, पार्क रोड और गोमतीनगर की ओर से आने-जाने वाले वाहनों को इन मार्गों पर जाने की अनुमति नहीं होगी।
ट्रैफिक पुलिस ने इन मार्गों के लिए वैकल्पिक रास्ते भी तय किए हैं। वाहन चालक कटाईपुल, शहीद पथ (जी-20 चौराहा), कमता तिराहा, कैण्ट, कुंवर जगदीश चौराहा, केकेसी तिराहा, बर्लिंगटन चौराहा और ग्रीन कॉरिडोर के रास्ते अपने गंतव्य तक पहुंच सकेंगे। इसके अलावा डालीगंज, सीडीआरआई, पिपराघाट और दिलकुशा मार्गों का भी उपयोग किया जा सकता है।
रोडवेज और सिटी बसों के रूट में भी बदलाव किया गया है। चारबाग, कैसरबाग और चौक जाने वाली बसों को ग्रीन कॉरिडोर और डालीगंज के रास्ते भेजा जाएगा, जबकि गोमतीनगर की ओर जाने वाली बसें कैंट और कटाईपुल मार्ग से चलेंगी। हजरतगंज और विधानसभा की ओर बसों का संचालन पूरी तरह बंद रहेगा।
ट्रैफिक पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि आपातकालीन सेवाओं जैसे एम्बुलेंस, फायर ब्रिगेड और शव वाहन को आवश्यकता पड़ने पर प्रतिबंधित मार्गों से भी गुजरने की अनुमति दी जाएगी। इसके लिए ट्रैफिक कंट्रोल रूम का हेल्पलाइन नंबर 9454405155 जारी किया गया है, जिस पर संपर्क कर सहायता ली जा सकती है।प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे घर से निकलने से पहले रूट की जानकारी जरूर ले लें और डायवर्जन का पालन करें, ताकि किसी प्रकार की असुविधा से बचा जा सके।
एलडीए की ओटीएस योजना को मिला अच्छा प्रतिसाद, 110 आवंटियों ने किया आवेदन

लखनऊ। लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) की एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) को आवंटियों का अच्छा प्रतिसाद मिल रहा है। सोमवार को 85 आवंटियों ने योजना के तहत आवेदन किया। इसके साथ ही अब तक कुल 110 आवेदन प्राप्त हो चुके हैं।

एलडीए मुख्यालय में स्थापित हेल्प डेस्क पर कर्मचारियों द्वारा आवंटियों को योजना की विस्तृत जानकारी दी गई। साथ ही ऑनलाइन आवेदन पत्र भरने में भी सहयोग प्रदान किया गया।

योजना का लाभ अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने के लिए एलडीए अपनी विभिन्न योजनाओं में विशेष शिविर भी आयोजित कर रहा है। इसी क्रम में जानकीपुरम विस्तार सेक्टर-7 स्थित आश्रयहीन योजना, भवानी मार्केट में लगाए गए ओटीएस कैंप का संचालन सोमवार को किया गया, जो मंगलवार 21 अप्रैल को भी जारी रहेगा।

उप सचिव माधवेश कुमार ने बताया कि कॉल सेंटर और आईटी सेल के माध्यम से बकायेदारों को फोन, मैसेज और ई-मेल भेजकर योजना की जानकारी दी जा रही है। यह योजना 18 अप्रैल से 17 जुलाई 2026 तक लागू रहेगी।

* दंड एवं चक्रवृद्धि ब्याज में मिलेगी राहत

यह योजना एलडीए की सभी प्रकार की आवासीय एवं व्यावसायिक संपत्तियों, सरकारी संस्थाओं को आवंटित संपत्तियों, स्कूल भूखंडों, चैरिटेबल संस्थाओं, नीलामी अथवा अन्य पद्धति से आवंटित संपत्तियों, सहकारी आवास समितियों तथा मानचित्र संबंधी मामलों पर लागू की गई है।

समय पर किश्तें जमा न करने के कारण जिन आवंटियों पर दंड ब्याज और चक्रवृद्धि ब्याज लगाया गया है, वे इस योजना का लाभ उठा सकते हैं। योजना के तहत दंड ब्याज में छूट मिलेगी, जिससे आवंटी बकाया धनराशि जमा कर अपनी संपत्ति का स्वामित्व प्राप्त कर सकेंगे।

आजमगढ़:-भव्य आयोजन में मनी भगवान परशुराम जयंती, ब्राह्मण समाज ने किया व्यक्तित्व-कृतित्व का गुणगान

वी कुमार यदुवंशी
आजमगढ़। फूलपुर तहसील क्षेत्र के अम्बारी पाण्डेय का पूरा में सोमवार को भगवान परशुराम की जयंती बड़े ही हर्षोल्लास और श्रद्धा के साथ मनाई गई। यह आयोजन एक शादी समारोह के दौरान ब्राह्मण समाज कल्याण परिषद, तहसील फूलपुर इकाई के तत्वावधान में संपन्न हुआ, जिसमें समाज के गणमान्य लोगों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित वक्ताओं ने भगवान परशुराम के जीवन, उनके आदर्शों और उनके द्वारा स्थापित सामाजिक मूल्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि भगवान परशुराम केवल एक महान योद्धा ही नहीं, बल्कि धर्म, न्याय और सत्य के प्रतीक भी थे। उनके जीवन से समाज को अन्याय के खिलाफ खड़े होने और सदैव धर्म के मार्ग पर चलने की प्रेरणा मिलती है। इस अवसर पर पंडित देव नाथ पाण्डेय, केश भान पाण्डेय, सौरभ पाण्डेय, लोकेश पाण्डेय, पद्मेश पाण्डेय, त्रयम्बकेश्वर पाण्डेय, अंकित मिश्रा और मनीष तिवारी सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में भगवान परशुराम के आदर्शों को अपनाने का संकल्प लिया और समाज में एकता एवं नैतिकता को बढ़ावा देने पर जोर दिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सिद्धेश्वर पाण्डेय ने की, जबकि संचालन पंडित देबनाथ पाण्डेय द्वारा किया गया। आयोजन के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया और एक-दूसरे को जयंती की शुभकामनाएं दीं।
सीबीआई करेगी अस्मिता मिश्रा हत्याकांड की जांच, हाई कोर्ट ने दिया आदेश
मुंबई। मुंबई के प्रसिद्ध समाजसेवी अमर मिश्रा की बेटी अस्मिता मिश्रा की ‘हत्या’ के मामले की जांच अब केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) करेगी। बॉम्बे हाई कोर्ट के न्यायाधीश द्वय सारंग कोतवाल और संदेश पाटिल की खंडपीठ ने 16 अप्रैल को इस आशय का आदेश सीबीआई को दिया। अमर मिश्रा मुंबई के उपनगर मालाड में रहते हैं। उनकी पुत्री अस्मिता मिश्रा (26) की शादी ठाणे जिले के मीरा रोड में रहने वाले मनीष मिश्रा के बेटे अभय मिश्रा के साथ 20 नवंबर 2021 को हुई थी। 12 मई 2022 को गौना हुआ था। गौने के बाद से ही मनीष मिश्रा अमर मिश्रा से उनके मीरा रोड के फ्लैट को अभय मिश्रा के नाम पर कर देने की ज़िद करने लगा। बहाने से 35 लाख रुपए कीमत का डायमंड भी मांगने लगा। इसको लेकर पूरा परिवार अस्मिता को प्रताड़ित करने लगा। अस्मिता का गर्भपात भी करवा दिया।
22 फरवरी 2023 को अस्मिता ने फ़ोन कर अमर मिश्रा को बताया कि ससुराल वालों ने उसकी पिटाई कर दी है। वे तलाक माँग रहे हैं। अमर मिश्रा ने पत्नी सहित अस्मिता से उसके ससुराल जाकर मुलाक़ात की तब माफी मांग कर शांत कर दिया। इस बीच 24 फरवरी 2023 को अभय मिश्रा ने अमर मिश्रा को सूचित किया कि अस्मिता ने फाँसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। अस्मिता को वॉकहार्ट हॉस्पिट मीरा रोड लाया है,   पंडित भीमसेन जोशी जनरल अस्पताल में पोस्टमार्टम हुआ।अमर मिश्रा रिश्तेदारों के साथ अस्पताल पहुंचे तो अस्मिता के शरीर पर चोट के निशान दिखे। शव की फोटो लेने लगे तो पति अभय मिश्रा ने धमकाया कि इसका परिणाम बुरा होगा। इधर काशीमीरा पुलिस स्टेशन का सीनियर इंस्पेक्टर संदीप कदम ADR लिखकर शांत बैठ गया था। वह अमर मिश्रा का कोई तर्क सुन ही नहीं रहा था। सोशल मीडिया पर अपील कर अमर मिश्रा ने 27 फरवरी 2023 को काशीमीरा पुलिस स्टेशन पर मोर्चा निकाल दिया। तब संदीप कदम ने आईपीसी की धारा 304(बी), 306, 420, 406, 313, 323, 498(ए), 504, r/w 34, 3 और 4 के तहत एफआईआर (संख्या-147/2023) दर्ज कर ससुर मनीष मिश्रा, सास प्रेमलता मिश्रा, ननद पायल मिश्रा, ननद पूर्णिमा मिश्रा और देवर जयराज मिश्रा को गिरफ्तार कर लिया। पति अभय मिश्रा को बॉम्बे हाई कोर्ट से गिरफ्तारी पूर्व जमानत मिल गई।
अमर मिश्रा चाहते थे कि आरोपियों के ख़िलाफ़ हत्या का मामला दर्ज हो। परिस्थितियाँ बताती थीं कि यह स्पष्ट रूप से हत्या है। जैसे कि परिवार ने बताया था कि वे दरवाज़ा तोड़कर कमरे में गए। परंतु दरवाज़ा टूटने का कोई प्रमाण नहीं मिला। अस्मिता ने जिस ओढ़नी से फाँसी लगाई थी वह पंखे पर लटकी मिली जबकि पंचनामा में पुलिस ने लिखा कि वह बेड पर थी। अस्मिता के शव का पोस्टमार्टम करने वाली डॉक्टर तेजश्री सोनवणे ने लिखा था कि उसने सुबह 9.30 बजे से 10.30 बजे के बीच पोस्टमॉर्टम किया, जबकि बायोमीट्रिक अटेंडेंस सुबह 9.51.04 बजे आई थी।
पूरे मामले में ऐसी बहुत सी विसंगतियां मिलीं। अमर मिश्रा ने एडवोकेट घनश्याम उपाध्याय (लॉ ज्यूरिस) के मार्फ़त मामले की सीबीआई जाँच करवाने की मांग को लेकर बॉम्बे हाई में पिटीशन दाख़िल कर दी। बॉम्बे हाई कोर्ट ने शुरुआत में ऑर्डर पास किया कि मामले की जाँच जे.जे. अस्पताल के सीनियर डॉक्टर से करायें। जे. जे. अस्पताल ने सीनियर डॉक्टर के बजाय जूनियर डॉक्टर से जांच करवा दी। उधर डॉक्टर तेजश्री सोनवणे कहती रही कि वह पोस्टमार्टम करना नहीं जानती। जूनियर डॉक्टर ने जांच रिपोर्ट में बताया कि यह आत्महत्या का मामला है। वकील घनश्याम उपाध्याय के युक्तिवाद से प्रेरित बॉम्बे हाई कोर्ट ने मामले को सीबीआई के सुपुर्द कर दिया।
*खान-पान एवं लू के कारण पेट मरीजों की संख्या बढ़ी*


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। कालीन नगरी में इन दिनों हीटवेव के हालात बनने शुरू हो गए हैं। आगामी दिनों में राहत की उम्मीदें नहीं हैं। उधर, खान-पान एवं लू के कारण पेट मरीजों की संख्या बढ़ी है। ऐसे में बचाव से ही खुद को बीमार होने से बचाया जा सकता है। उधर, सरकारी अस्पतालों में इन दिनों डायरिया, पेट के रोगियों की संख्या 30 फीसदी तक पहुंच गई है। डाक्टरों को इलाज करने में पसीने छूट जा रहे हैं। बता दें कि इन दिनों सूबे के साथ ही कालीन नगरी में गर्मी का प्रकोप जारी है। पुरवाई के बाद भी पारा दिन का करीब 43 डिग्री के पार जबकि रात का 30 डिग्री के नीचे नहीं आ रहा है।
उधर, इन दिनों शादियों की धूम है। इसके कारण लोग देर रात भोजन कर रहे हैं। अब ऐसे में पेट दर्द, डायरिया के मरीजों की संख्या ज्यादा देखी जा रही है। जिला अस्पताल ज्ञानपुर एवं महाराजा बलवंत सिंह राजकीय अस्पताल भदोही में इन दिनों मौसमी बीमारियों के मरीजों की भरमार नजर आ रही है। तेज धूप की तपिश से हवा भी झुलसा रही है। ऐसे में हीट स्ट्रोक का खतरा बढ़ गया है। अचानक घर से बाहर पैदल एवं बाइक से निकलकर धूप में जाना खतरनाक साबित हो सकता है।डाक्टरों ने कहा कि हर घंटे पर एक गिलास पानी या फिर तरल पदार्थ का सेवन करते रहें। दोपहर में यदि निकलना बेहद जरूरी हो तो धूप से बचने के लिए छाता लगाकर निकलें या फिर गमछा आदि से सिर और चेहरे को पूरी तरह से ढककर गर्म हवा से सुरक्षित रखें।बीमारी से बचाव को यह करें-फल एवं गन्ने का जूस, नारियल पानी का प्रयोग करें कच्चे आम को भूनकर पना बनाकर पीएं धूप में निकलने से पहले सिर को अच्छी तरह से ढकें0 बच्चे, महिलाएं, बुजुर्ग धूप में निकलने से बचें दिन भर में कम से कम आठ से 10 गिलास पानी पीएं।शरीर में पानी की मात्रा बनाए रखें और दोपहर में घर से निकलने से बचें गर्मी में बहुत ज्यादा कड़ी मेहनत करने से बचें। धूप से बचने के लिए छाता, गमछा, दुपट्टा एवं हैट का इस्तेमाल करें
Sambhal जनगणना 2027 की तैयारी तेज- मकान सूचीकरण के लिए मैदान में उतरे प्रगणक, शुरू हुआ विशेष प्रशिक्षण
जनगणना 2027 को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में पहले चरण, यानी मकान सूचीकरण और मकानों की गणना के लिए व्यापक स्तर पर प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया गया है। डिस्ट्रिक्ट फील्ड ट्रेनर रितेश कुमार ने बताया कि यह प्रक्रिया बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि इसी आधार पर आगे की जनगणना का ढांचा तैयार होगा।

उन्होंने जानकारी दी कि इस कार्य में लगे सुपरवाइजर और प्रगणकों को तीन-तीन दिन का विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रशिक्षण को प्रभावी बनाने के लिए अलग-अलग बैच बनाए गए हैं। फिलहाल पहले दिन चार बैचों में प्रशिक्षण चल रहा है, जबकि आने वाले दिनों में अन्य बैचों को भी इसी तरह प्रशिक्षित किया जाएगा। यह पूरी प्रक्रिया क्षेत्रवार विभाजन के आधार पर संचालित की जा रही है, ताकि हर क्षेत्र में सही और सटीक जानकारी जुटाई जा सके। रितेश कुमार ने बताया कि जनगणना के पहले चरण में मकानों की पहचान और वर्गीकरण पर विशेष जोर दिया जा रहा है। इसमें यह समझाया जा रहा है कि भवन और मकान में क्या अंतर होता है, परिवार की परिभाषा क्या है और लोगों की रहन-सहन की स्थिति को किस तरह दर्ज किया जाएगा। यह डेटा भविष्य की योजनाओं और नीतियों के निर्माण में अहम भूमिका निभाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जनगणना का दूसरा चरण फरवरी में शुरू होगा, जिसमें व्यक्तियों की गणना की जाएगी। यानी पहले चरण में जहां मकानों और आवासीय ढांचे की जानकारी जुटाई जा रही है, वहीं दूसरे चरण में जनसंख्या से जुड़ी विस्तृत जानकारी एकत्र की जाएगी। कुल मिलाकर, जनगणना 2027 को लेकर प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है और प्रशिक्षित टीम के जरिए इस महाअभियान को सफल बनाने की दिशा में तेजी से काम किया जा रहा है।