दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण
मुंबई। महाराष्ट्र दिवस एवं मजदूर दिवस के अवसर पर भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति, जयपुर तथा कोटक महिंद्रा बैंक के सहयोग से दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण किया गया। यह कार्यक्रम रुग्ण साथी संस्था एवं साहस चैरिटेबल ट्रस्ट के संस्थापक एड. प्रफुल्ल नवार तथा रुग्ण मित्र विनोद साडविलकर की पहल पर शेठ चिमणलाल नथुराम हाईस्कूल, सांताक्रूज़ (पूर्व), मुंबई में आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में प्रमुख अतिथि के रूप में राज्य के सांस्कृतिक कार्य मंत्री तथा मुंबई उपनगर जिले के पालकमंत्री आशिष शेलार उपस्थित रहे। उनके हाथों दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण किया गया। इस अवसर पर सूचना का अधिकार कार्यकर्ता अनिल गलगली एवं डॉ. व्यास की विशेष उपस्थिति रही। साथ ही रुग्ण मित्र साथी जयश्री मोहितेनवार, रमेश चव्हाण, गोविंद मोरे, चारुदत्त पावसकर, गणेश पवार, दिनेश राणे, उदय साटम, नरसिंहराव होटगे, कमलेश साळकर, श्रद्धा अष्टीवकर, रुपाली कापसे, शशीप्रभा जाधव, एड. पूजा जाधव, हर्षल जाधव, रेहाना शेख, विपुल जैन, सलीम राज खान, इम्तियाज अली शेख तथा साहस चैरिटेबल ट्रस्ट के पदाधिकारी, शुभचिंतक एवं सहयोगी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
सामाजिक प्रतिबद्धता निभाते हुए दिव्यांगजनों को सहायता प्रदान करने वाला यह उपक्रम उत्कृष्ट नियोजन के साथ सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
श्रीयज्ञ सैनी वैश्य हलवाई समाज का दहेज मुक्त सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन 4 व 5 मई को
सामाजिक समरसता एवं एकता का संदेश देगा कार्यक्रम
फोटो अत्यावश्यक

रितेश मिश्रा
हरदोई।श्री यज्ञसेनी वैश्य (हलवाई) समाज जन कल्याण समिति के तत्वावधान में दहेज प्रथा के खिलाफ एक सराहनीय पहल करते हुए दहेज रहित आदर्श सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन 4 मई 2026 सोमवार से 5 मई 2026,मंगलवार को तक आयोजित होगा।
समारोह का आयोजन आरआर इंटर कॉलेज, नघेटा रोड, हरदोई में किया जाएगा, जब कि इसका कार्यालय डी-286 आवास विकास कॉलोनी (बेलाताली के सामने), हरदोई में स्थापित किया गया है। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य समाज में दहेज प्रथा जैसी कुप्रथा को समाप्त करना तथा सरल और सादगीपूर्ण विवाह को बढ़ावा देना है।
समिति के वरिष्ठ संरक्षक नरेश चन्द्र ‘नन्हे’ एवं संयोजक मंडल के सदस्य कृपा शंकर गुप्ता, राम सेवक आर्य, रतन बाबू गुप्ता, राजेश गुप्ता,मुकेश गुप्ता सहित अन्य पदाधिकारियों ने बताया कि यह आयोजन समाज के आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए विशेष रूप से सहायक सिद्ध होगा।
समिति के स्थायी सदस्यों में अनिल गुप्ता उपाध्यक्ष, विजय गुप्ता वरिष्ठ सलाहकार,रूपेश गुप्ता संप्रेक्षक, राजेंद्र कुमार आर्य बबलू उपाध्यक्ष,दिलीप कुमार गुप्ता उपाध्यक्ष, सर्वेश गुप्ता सह मंत्री,अमित कुमार गुप्ता "शीलू"  सह कोषाध्यक्ष,अभिनेष कुमार गुप्ता उपाध्यक्ष,नीरज कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री, अरुणेश गुप्ता राजा भैया व्यवस्था मंत्री,
विमल कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री, विश्वास कुमार गुप्ता प्रचार मंत्री, मुकेश कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री,मनोज कुमार गुप्ता प्रचार मंत्री, अनूप कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री सहित कई समाजसेवी सक्रिय रूप से कार्यक्रम की तैयारियों में जुटे हैं।
वहीं महिला मंडल की ओर से सुमन गुप्ता उपाध्यक्ष, रेखा गुप्ता कोष सहयोगी, प्रीति गुप्ता मंच संचालिका, बीनू गुप्ता मंत्री एवं ज्योति गुप्ता सह मंत्री, आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
समिति के अध्यक्ष विमलेश कुमार गुप्ता, वरिष्ठ उपाध्यक्ष संदीप गुप्ता, कोषाध्यक्ष नीरज गुप्ता एवं महामंत्री अमित कुमार गुप्ता ने समाज के सभी वर्गों से इस आयोजन में सहयोग एवं सहभागिता की अपील की है।
इस सामूहिक विवाह समारोह के माध्यम से आयोजकों का लक्ष्य न केवल दहेज प्रथा को समाप्त करने का है, बल्कि समाज में आपसी सहयोग, समानता और सादगीपूर्ण जीवन मूल्यों को भी बढ़ावा देना है।
मार्केट बंद होने में दो कानून नहीं चलेगा, पुलिस को सख्‍ती से अंकुश लगाना आवश्‍यक : आलोक शर्मा


सांसद ने कहा - भोपाल वक्फ की जागीर नहीं

सांसद आलोक शर्मा ने पुलिस आयुक्त से की मुलाकात

भोपाल। सांसद आलोक शर्मा ने कहा कि भोपाल में मार्केट बंद होने के दो कानून प्रचलित है, जिस पर पुलिस को सख्ती से अंकुश लगाना चाहिए। उन्होंने कहा पुराने भोपाल शहर में रातभर दुकानें खुली रहती है, जहां पर आपराधिक गतिविधियों को बल मिलता है। उन्होंने कहा कि ईश्वर ने रात सोने के लिए बनाई है। घर पर अब्बू, अम्मी इंतजार करते हैं कि बेटा आएगा और हमें दवाई देगा लेकिन बेटा तो रातभर बिरयानी की दुकान और मार्केट में ही बिताता है। ये चिंता आज कई परिवारों की है। युवा गलत रास्ता अपना लेते हैं। शनिवार को सांसद आलोक शर्मा ने भोपाल पुलिस कमिश्नर संजय कुमार से मुलाकात कर उन्हें इस आशय का एक पत्र सौंपा है जिसमें भोपाल के सभी मार्केट एक समय पर बंद करने का आग्रह किया है। ज्ञात रहे सांसद शर्मा पूर्व में भी कई बार ये मुद्दा उठाते रहे हैं लेकिन पुलिस की सख्ती न होने के कारण आज भी व्यवस्था वैसी ही है। सांसद शर्मा ने पुलिस आयुक्त से मुलाकात के दौरान बताया कि अभी भोपाल शहर में दो कानून प्रचलित हैं, न्यू मार्केट, एमपी नगर, संत हिरदाराम नगर, बीएचईएल बरखेड़ा, इंद्रपुरी सोनागिरि, 6 नंबर मार्केट, 10 नंबर मार्केट, लखेरापुरा, सराफा चौक आदि रात में 10 बजे तक बंद हो जाते हैं। जबकि पुराने भोपाल शहर के मार्केट्स काजीकैंप, लक्ष्मी टॉकीज, बसस्टैंड, रेलवे स्टेशन, रॉयल मार्केट जीपीओ, इमामी गेट, राजू टी-स्टाल, जिंसी-जहांगीराबाद, सब्बन चौराहा, इतवारा, बुधवारा में दुकानें रातभर खुली रहती हैं जिससे आपराधिक गतिविधियों को बल मिलता है और शहर की कानून व्यवस्था बिगड़ती है। सांसद शर्मा को पुलिस आयुक्त संजय कुमार ने शहर के सभी मार्केट्स एक समय पर बंद कराने की कार्यवाही सुनिश्चित कराने का आश्वासन दिया है।

* भोपाल वक्फ की जागीर नहीं

मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए सांसद आलोक शर्मा ने कहा कि भोपाल वक्फ की जागीर नहीं है। शहर में कहीं भी डेवलपमेंट के काम करने जाएं तो खड़े हो जाते हैं कि यह वक्फ की जमीन है। महापौर रहते जब हम पॉलिटेक्निक से भारत माता चौराहे तक स्मार्ट रोड बनाने गए तो रोड़ा अटकाया। बोले कि यह वक्फ की जमीन है जबकि आज वहां स्मार्ट रोड बन जाने के बाद मुसलमान भी उस रोड पर निकलता है, हिंदू भी उस पर रोड पर निकलता है, सभी वर्ग के लोग उस स्मार्ट रोड का उपयोग करते हैं। इसी प्रकार श्यामला हिल्स पर मानस भवन के पीछे की झुग्गियां का हटाने का मामला भी है। वहां पर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत सभी को आवास का पैसा जमा किया गया है। किसी को बेघर नहीं किया जाएगा लेकिन शहर के अंदर सरकारी जमीन पर किसी को भी अतिक्रमण करने की इजाजत नहीं दी जाएगी। वक्फ के नाम पर किसी को भी अवैध कब्जा नहीं करने दिया जाएगा।

एआई ज्ञान दे सकता है, लेकिन शिक्षक जीवन का मार्गदर्शन करता है- डॉ प्रदीप कुमार


( शिक्षा में कृत्रिम बुद्धिमत्ता की भूमिका पर संगोष्ठी आयोजित )



सुलतानपुर। राणा प्रताप पी.जी. कॉलेज के बी.एड. विभाग द्वारा बाबू धनञ्जय सिंह स्मृति व्याख्यान माला के अंतर्गत “शिक्षा में कृत्रिम बुद्धिमत्ता की भूमिका” विषयक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में शिक्षकों, प्रशिक्षणार्थियों एवं विद्यार्थियों की उत्साहपूर्ण सहभागिता रही। कार्यक्रम का शुभारंभ स्वागत भाषण के साथ हुआ, जिसमें उपप्राचार्य प्रो. निशा सिंह ने अतिथियों का अभिनंदन करते हुए कहा कि वर्तमान समय में कृत्रिम बुद्धिमत्ता शिक्षा के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित कर रही है, किंतु इसके उपयोग में संतुलन और विवेक आवश्यक है। प्रस्ताविकी एवं उद्बोधन प्राचार्य प्रो. डी. के. त्रिपाठी द्वारा प्रस्तुत किया गया। उन्होंने शिक्षा को ज्ञानार्जन के साथ-साथ व्यक्तित्व निर्माण की प्रक्रिया बताते हुए कहा कि तकनीक का समुचित उपयोग ही शिक्षा को प्रभावी बना सकता है। भविष्य ए आई  का है इसलिए इससे जुड़कर अपनी उपयोगिता बढ़ाये। मुख्य वक्ता के रूप में केएनआईटी के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. प्रदीप कुमार ने विषय पर गहन एवं विस्तृत व्याख्यान दिया। उन्होंने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता शिक्षा को अधिक सुलभ, रोचक और प्रभावी बना रही है। ए आई आधारित उपकरण विद्यार्थियों को व्यक्तिगत सीखने का अवसर प्रदान करते हैं, जिससे उनकी समझ और दक्षता में वृद्धि होती है। एआई ज्ञान दे सकता है, लेकिन शिक्षक जीवन का मार्गदर्शन करता है।साथ ही उन्होंने चेताया कि एआई का उपयोग केवल ज्ञानवर्धन के लिए किया जाना चाहिए, इसके दुरुपयोग से बचना आवश्यक है।मुख्य वक्ता डॉ प्रदीप कुमार ने जिज्ञासा प्रश्नोत्तरी के अंतर्गत डॉ शिशिर श्रीवास्तव, डॉ आलोक पाण्डेय और बी एड़ प्रथम वर्ष की छात्रा प्रिया सरोज के प्रश्नों का समाधान भी किया। प्रबंधक बाल चंद्र सिंह ने अपने संक्षिप्त उद्बोधन में कहा कि आधुनिक युग में तकनीक से जुड़ना समय की आवश्यकता है, परंतु इसके सुरक्षित एवं नैतिक उपयोग पर विशेष ध्यान देना चाहिए। बाबू धनञ्जय सिंह स्मृति व्याख्यान माला के समन्वयक डॉ. आलोक पाण्डेय ने कार्यक्रम की रूपरेखा पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इस प्रकार की संगोष्ठियाँ विद्यार्थियों को नवीनतम ज्ञान से जोड़ने का सशक्त माध्यम हैं।
संगोष्ठी का सफल संचालन डॉ. संतोष ‘अंश’ द्वारा किया गया। उन्होंने अपने संचालन में कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता ज्ञान का विस्तार तो करती है, किंतु शिक्षक का स्थान सदैव मार्गदर्शक के रूप में सर्वोपरि रहेगा। एआई शिक्षक का विकल्प नहीं संकल्प होना चाहिए।अंत में बी.एड. विभागाध्यक्ष डॉ. भारती सिंह ने आभार ज्ञापन करते हुए सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का धन्यवाद ज्ञापित किया। सरस्वती वंदना रुचि श्रीवास्तव एवं मानसी पाण्डेय ने प्रस्तुत किया। स्वागत गीत श्वेता मिश्रा ने गाया। इस अवसर पर प्रो शैलेन्द्र प्रताप सिंह, प्रो धीरेंद्र कुमार, डॉ रंजना पटेल,प्रो सुनील त्रिपाठी, डॉ महमूद आलम, डॉ आलोक कुमार, डॉ सुनील त्रिपाठी,डॉ  नीतू सिंह, डॉ बीना सिंह, डॉ प्रदीप कुमार सिंह,डॉ शिशिर श्रीवास्तव, शांतिलता कुमारी, डॉ सीमा सिंह, डॉ यशमंत सिंह,डॉ विपिन शर्मा, यशस्वी प्रताप सिंह, शालिनी पाण्डेय, प्रमोद श्रीवास्तव के साथ महाविद्यालय के शिक्षकगण, बी.एड. के प्रशिक्षणार्थी एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।
पुलिस ने एक अभियुक्त को किया गिरफ्तार।
                                                         

रितेश मिश्रा
हरदोई !; कछौना पुलिस ने मुकदमा संख्या 103/2026 धारा 87/137(2) बी एन एस से सम्बन्धित एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया है प्राप्त बिबरण मे शनिबार को एक ब्यक्ति द्वारा थाना पर तहरीर दी गई कि वादी की पुत्री घर गई जो अभी तक बापस लौटी नही है वादी की तहरीर के आधार पर मुकदमा पंजी क्रत किया गया और महिला उपनिरीक्षक समीक्षा कटियार ब आरक्षी राहुल रतन के द्वारा  अभियुक्त अजय कुमार पुत्र किशनू निवासी कनेरा थाना नैमिष जनपद सीतापुर को गिरफ्तार कर  अपह्र्ता को सकुशल बरामद किया गया है
प्रदेश सरकार फेल, जनता की जान से खिलवाड़”- जीतू पटवारी का हमला

- जहरीले पानी, हादसों और किसानों के मुद्दों पर सरकार को घेरा

- 7 मई को बड़वानी से मुरैना तक चक्का जाम करने का किया ऐलान

भोपाल, प्रतिनिधि। मध्यप्रदेश में विपक्ष ने एक बार फिर राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है। कांग्रेस नेता जीतू पटवारी ने भोपाल में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में सरकार को घेरते हुए कहा कि प्रदेश में “जनता की जान से खिलवाड़” किया जा रहा है। पटवारी ने आरोप लगाया कि प्रदेश में पानी जैसी बुनियादी जरूरत भी सुरक्षित नहीं रह गई है। उन्होंने दावा किया कि हाल ही में जहरीले पानी के कारण 36 लोगों की मौत हुई, जिनमें बच्चे भी शामिल हैं।

बरगी बांध की घटना का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि वहां 9 लोगों की मौत हुई, लेकिन सरकार की ओर से संवेदनशीलता नहीं दिखाई गई। उन्होंने आरोप लगाया कि जब मां-बेटे के शव निकाले जा रहे थे, उस समय मुख्यमंत्री अन्य कार्यक्रमों में व्यस्त थे। परिवहन व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए पटवारी ने कहा कि नियमों की अनदेखी के कारण आदिवासी क्षेत्रों में लोग ट्रकों और बसों की छतों पर सफर करने को मजबूर हैं, जिससे हादसे बढ़ रहे हैं। इसे उन्होंने सरकार की नीतिगत विफलता बताया।

किसानों के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि सरकार ने गेहूं का समर्थन मूल्य 2700 रुपये और धान का 3100 रुपये देने का वादा किया था, लेकिन किसानों को इससे कम कीमत मिल रही है। उन्होंने भावांतर योजना की राशि तुरंत किसानों के खातों में डालने की मांग की।

पटवारी ने 7 मई को बड़वानी से मुरैना तक चक्का जाम का ऐलान करते हुए कहा कि यह आंदोलन किसानों के हित में होगा, भले ही इससे आमजन को असुविधा उठानी पड़े। न्याय व्यवस्था को लेकर भी उन्होंने चिंता जताई और कहा कि लोगों का भरोसा कमजोर हो रहा है। इस दौरान उन्होंने वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह से मुलाकात का जिक्र करते हुए बताया कि उन्होंने उनके काम की सराहना की है। पटवारी ने कहा कि वे प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर प्रदेश की स्थिति से अवगत कराएंगे।

भदोही पुलिस ने वापस कराए ₹1.20 लाख:साइबर धोखाधड़ी का शिकार हुए व्यक्ति को मिली राहत

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। भदोही पुलिस ने साइबर धोखाधड़ी के एक मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए एक पीड़ित व्यक्ति को ₹1,20,000 की धनराशि वापस दिलाई है। पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी ने जनपद में साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए साइबर पुलिस टीम को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए थे।
शिकायतकर्ता जितेंद्र यादव, निवासी रमईपुर, थाना चौरी, ने 11 अक्टूबर 2025 को फोन पे के माध्यम से ₹1,20,000 स्थानांतरित करते समय गलती से यह राशि किसी दूसरे बैंक खाते में भेज दी थी।
पीड़ित ने इस संबंध में एनसीआरपी (NCRP) पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई थी। भदोही जनपद की साइबर सेल ने शिकायत का अवलोकन कर उक्त पैसे पर तत्काल रोक लगवाई। इसके बाद, माननीय न्यायालय के आदेश के क्रम में पीड़ित की पूरी ₹1,20,000 की धनराशि उसके खाते में वापस करा दी गई।
अपनी धनराशि वापस पाकर पीड़ित जितेंद्र यादव ने पुलिस अधीक्षक भदोही और जनपदीय साइबर सेल के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने भदोही पुलिस की कार्यप्रणाली की सराहना की।
पुलिस ने जनता से अपील की है कि किसी भी प्रकार की साइबर ठगी होने पर तत्काल 1930 हेल्पलाइन नंबर पर कॉल करें और www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें। भदोही पुलिस का संकल्प है, "आपकी सुरक्षा, हमारा संकल्प"।
इस कार्रवाई में साइबर क्राइम थाना/सेल के प्रभारी निरीक्षक श्री विजय प्रताप सिंह, हेड कांस्टेबल देवानंद सिंह और कांस्टेबल सदानंद शामिल थे।
बाराबंकी में 13वीं यूपी पुलिस आर्चरी प्रतियोगिता का भव्य समापन ,डॉ रामकृष्ण स्वर्णकार की मौजूदगी में खिलाड़ियों का सम्मान
मेरठ जोन ने पुरुष और महिला दोनों वर्गों में जीती ट्रॉफी

11 जोनों की टीमों ने लिया प्रतियोगिता में हिस्सा

लखनऊ । बाराबंकी स्थित 10वीं वाहिनी पीएसी के आर्चरी ग्राउंड पर आयोजित 13वीं उत्तर प्रदेश पुलिस आर्चरी प्रतियोगिता का समापन 30 अप्रैल 2026 को उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में डॉ रामकृष्ण स्वर्णकार (अपर पुलिस महानिदेशक, पीएसी) उपस्थित रहे।
समारोह की शुरुआत सहआयोजन सचिव एवं सेनानायक राकेश कुमार सिंह द्वारा मुख्य अतिथि के स्वागत से हुई। उन्हें पुष्पगुच्छ और स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। इसके बाद मुख्य अतिथि ने प्रतियोगिता में शामिल विभिन्न जोनों की टीमों के मैनेजरों से परिचय प्राप्त किया और खिलाड़ियों का अभिवादन स्वीकार किया।
इस प्रतियोगिता में उत्तर प्रदेश पुलिस के कुल 11 जोनों—गोरखपुर, वाराणसी, बरेली, प्रयागराज, मेरठ, लखनऊ, कानपुर, पीएसी पूर्वी, पीएसी पश्चिमी, पीएसी मध्य और आगरा—की टीमों ने हिस्सा लिया। सभी टीमों ने खेल भावना के साथ उत्कृष्ट प्रदर्शन किया।
प्रतियोगिता के परिणामों में मेरठ जोन का दबदबा देखने को मिला। पुरुष वर्ग में मेरठ जोन ने शानदार प्रदर्शन करते हुए चल वैजयंती ट्रॉफी अपने नाम की, जबकि पीएसी पूर्वी जोन उपविजेता रहा। महिला वर्ग में भी मेरठ जोन ने पहला स्थान हासिल किया और प्रयागराज जोन दूसरे स्थान पर रहा।
व्यक्तिगत स्पर्धाओं में भी खिलाड़ियों ने बेहतर प्रदर्शन किया। 70 मीटर रिकर्व राउंड (पुरुष) में वाराणसी जोन के श्रेय भारद्वाज ने प्रथम स्थान प्राप्त किया, जबकि मेरठ के मोनू कुमार और कुंवरजीत सिंह क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर रहे। महिला वर्ग में मेरठ की अनीता ने पहला स्थान प्राप्त किया, जबकि वाराणसी की जीनत आरा दूसरे और मेरठ की सुमन चौधरी तीसरे स्थान पर रहीं।
50 मीटर कंपाउंड राउंड (पुरुष) में मेरठ के गौरव, हर्ष बालियान और तरुण कुमार दीक्षित ने क्रमशः प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त किया। महिला वर्ग में मेरठ की अंकिता शर्मा और वर्ण्या ने पहला और दूसरा स्थान हासिल किया, जबकि वाराणसी की आंचल रॉय तीसरे स्थान पर रहीं।
ओवरऑल प्रदर्शन में पुरुष वर्ग में मेरठ जोन ने 2472 अंक प्राप्त कर प्रथम स्थान हासिल किया। पीएसी पूर्वी जोन 2433 अंकों के साथ दूसरे और प्रयागराज जोन 2426 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर रहा। महिला वर्ग में मेरठ जोन 1800 अंकों के साथ पहले, प्रयागराज 1404 अंकों के साथ दूसरे और कानपुर जोन 942 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर रहा।
समापन समारोह के दौरान मुख्य अतिथि ने विजेता खिलाड़ियों को मेडल और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। उन्होंने अपने संबोधन में सभी खिलाड़ियों को खेल भावना बनाए रखने, हार-जीत को स्वीकार करने और भविष्य में बेहतर प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के अंत में मुख्य अतिथि द्वारा वाहिनी परिसर में नवनिर्मित बैडमिंटन कोर्ट का उद्घाटन किया गया और जिम्नेजियम हॉल का निरीक्षण भी किया गया। इस अवसर पर शिविरपाल अभिषेक श्रीवास्तव, सूबेदार सैन्य सहायक अमित कुमार सिंह, स्पोर्ट्स प्रभारी निखिल मिश्रा सहित कई अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
BMC शिक्षक रमाकांत तिवारी का सेवा संपूर्ति सम्मान समारोह संपन्न
मुंबई । बृहन्मुंबई महानगरपालिका शिक्षण विभाग द्वारा संचालित पोयसर मनपा उच्च प्राथमिक हिंदी शाला क्रमांक एक के विद्वान शिक्षक रमाकांत जे तिवारी के सेवानिवृत होने पर शाला सभागृह में विदाई समारोह का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता शाला की मुख्याध्यापिका गीता कनवजे ने किया। मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित शिक्षा निरीक्षक संगीता जैसवार ने कहा कि करीब 34 वर्षों तक महानगरपालिका शिक्षण विभाग में कार्यरत रहे रमाकांत तिवारी एक समर्पित और कर्तव्यनिष्ठ शिक्षक रहे। इनके मार्गदर्शन में सैकड़ों बच्चों ने विभिन्न प्रतियोगिताओं में विद्यालय का नाम रोशन किया। समारोह में सम्मानित अतिथि के रूप में पूर्व शिक्षा निरीक्षक गुरमीत कौर चावला, संगीता बड़े, सूचना संखे तथा उषा रतूड़ी उपस्थित रहे। समारोह में श्री तिवारी की धर्मपत्नी सुषमा तिवारी दो बेटे अनुपम और आकाश के अलावा उनकी बहू शिक्षिका माला तिवारी भी उपस्थित रहीं। कार्यक्रम में उपस्थित लोगों में अरविंद सिंह, कुशल वर्तक, सुरेश गायकवाड़, जय प्रकाश उपाध्याय, सविता यादव, धनश्री सावे, निलिमा परेड, भावना चौहान, शिवनाथ खेडेकर, सना शेख, प्रेमलता सिंग, स्वाती टीचर, विपीन कुमार तिवारी इत्यादि का समावेश रहा।
पारस ग्रुप ऑफ फाउंडेशन का 10वां स्थापना दिवस धूमधाम से मनाया, ‘उत्कर्ष उत्सव 2026’ में 51 महिलाओं सहित कई संस्थाएं सम्मानित

रायपुर- पारस ग्रुप ऑफ फाउंडेशन ने पारस इंस्टीट्यूट ऑफ एजुकेशन के 10वें स्थापना दिवस के अवसर पर ‘पारस दशाब्दी उत्कर्ष उत्सव 2026’ का भव्य आयोजन किया। यह कार्यक्रम केवल एक उत्सव नहीं था, बल्कि समाज में उत्कृष्ट कार्य कर रही महिलाओं और संस्थाओं को सम्मानित करने का एक प्रेरणादायक मंच भी बना।

कार्यक्रम में 500 से अधिक महिलाओं की उपस्थिति ने पूरे आयोजन को खास बना दिया। बड़ी संख्या में महिलाओं की भागीदारी से माहौल उत्साह और ऊर्जा से भर गया। यह आयोजन इस बात का प्रतीक रहा कि समाज में अच्छे कार्यों को पहचान और सम्मान देना कितना जरूरी है।

इस मौके पर विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वाली 51 महिलाओं को सम्मानित किया गया। साथ ही 7 गैर-सरकारी संस्थाओं (एनजीओ) को भी उनके सराहनीय योगदान के लिए मंच पर सम्मान मिला।

कार्यक्रम की एक विशेष पहल उन संयुक्त परिवारों को सम्मानित करना भी रही, जिनमें चार पीढ़ियां एक साथ रह रही हैं। इस पहल के जरिए परिवारिक एकता और भारतीय संस्कृति के महत्व को उजागर किया गया।

इस आयोजन में पारस ग्रुप ऑफ फाउंडेशन की अध्यक्षा डॉ. कविता कुंभज, सचिव मूलचंद कश्यप, कोषाध्यक्ष राहुल कुंभज एवं उपाध्यक्ष ज्योति की उपस्थिति रही। उनके नेतृत्व में कार्यक्रम बेहद सुव्यवस्थित और सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष विभा अवस्थी, छत्तीसगढ़ बाल आयोग की अध्यक्ष डॉ. वर्णिका शर्मा एवं छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध गायक विवेक शर्मा , एसीपी सीमा अहिवारा जी, पार्षद कृतिका जैन जी उपस्थित रहे। इसके अलावा कई विशिष्ट अतिथि, समाजसेवी और गणमान्य नागरिक भी कार्यक्रम में शामिल हुए।

इस आयोजन का उद्देश्य समाज में सकारात्मक कार्य करने वाले लोगों और संस्थाओं को प्रोत्साहित करना था। सम्मान प्राप्त करते समय प्रतिभागियों के चेहरे पर खुशी और गर्व साफ दिखाई दे रहा था, जो कार्यक्रम की सफलता को दर्शाता है।

कार्यक्रम को सफल बनाने में कई सहयोगियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। इनमें कमलेश जैन (श्रीमती चम्पा इंदिरा देवी जैन चैरिटेबल ट्रस्ट रायपुर), गीता वर्मा, रुद्रांश ज्वेलर्स, डी.पी. गोस्वामी, अनिकेता भारद्वाज (डीएसी एकेडमी), रूपेंद्र साहू एवं हर्षा साहू (छत्तीसगढ़ डिफेंस एकेडमी), जय करण (जेई एलीवेटर), राहुल गुप्ता (लवकुश सेल्स एंड फर्नीचर), विनोद (तिरुपति धार्मिक यात्रा), राम तिवारी (मौलश्री मसाले), अजय साहू (अवधेश एप्टेक कम्प्यूटैक), ललित एवं लक्ष्मण (डीबी ग्राफिक्स), भास्कर साहू (एमवीएल फिल्म फोटोग्राफी), संजय महतो (माहतो स्टूडियो) एवं दीपक्षा (जैनम एकेडमी) सहित अन्य सहयोगी शामिल रहे।

इसके अलावा पियूष जैन, देवेंद्र चतुर्वेदी, हरदीप कौर, रात्रि लहरी, लाहोटी, शेखर वर्मा, रघुनाथ भरद्वाज, डॉ. उदय भान सिंह, अजय श्रीवास्तव, ब्रज यादव, भूपेंद्र मानिकपुरी, कमल साहू एवं प्रिय गुप्ता सहित कई गणमान्य लोग कार्यक्रम में मौजूद रहे। पारस ग्रुप ऑफ फाउंडेशन द्वारा सभी सहयोगी साथियों को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।

कार्यक्रम के दौरान सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने भी सभी का मन मोह लिया। खासतौर पर नन्हे बच्चों द्वारा प्रस्तुत साउथ क्लासिकल डांस ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया और खूब तालियां बटोरीं।

इस आयोजन को सफल बनाने में संस्थान के स्टाफ की भी अहम भूमिका रही। रानी सिंह ठाकुर, काजल, अतुल, पियूष और राधिका ने व्यवस्थाओं को सुचारू रूप से संभालने में सराहनीय योगदान दिया।

कार्यक्रम का संचालन रात्रि लहरी और काजल ने बहुत ही सहज और प्रभावशाली ढंग से किया, जिससे पूरा कार्यक्रम व्यवस्थित और रोचक बना रहा।

पारस इंस्टीट्यूट ऑफ एजुकेशन की 10 साल की यह यात्रा संघर्ष, मेहनत और समर्पण की कहानी है। एक छोटे स्तर से शुरुआत कर आज यह संस्थान शिक्षा के क्षेत्र में अपनी मजबूत पहचान बना चुका है।

‘पारस दशाब्दी उत्कर्ष उत्सव 2026’ केवल एक आयोजन नहीं था, बल्कि समाज में सकारात्मक कार्य करने वालों को सम्मान देने और दूसरों को प्रेरित करने का एक सशक्त माध्यम भी बना।

यह आयोजन पारस ग्रुप ऑफ फाउंडेशन की सामाजिक प्रतिबद्धता और सेवा भावना को दर्शाता है, जो आने वाले समय में और भी बड़े कार्यों की प्रेरणा देता रहेगा।

दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण
मुंबई। महाराष्ट्र दिवस एवं मजदूर दिवस के अवसर पर भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति, जयपुर तथा कोटक महिंद्रा बैंक के सहयोग से दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण किया गया। यह कार्यक्रम रुग्ण साथी संस्था एवं साहस चैरिटेबल ट्रस्ट के संस्थापक एड. प्रफुल्ल नवार तथा रुग्ण मित्र विनोद साडविलकर की पहल पर शेठ चिमणलाल नथुराम हाईस्कूल, सांताक्रूज़ (पूर्व), मुंबई में आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में प्रमुख अतिथि के रूप में राज्य के सांस्कृतिक कार्य मंत्री तथा मुंबई उपनगर जिले के पालकमंत्री आशिष शेलार उपस्थित रहे। उनके हाथों दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण किया गया। इस अवसर पर सूचना का अधिकार कार्यकर्ता अनिल गलगली एवं डॉ. व्यास की विशेष उपस्थिति रही। साथ ही रुग्ण मित्र साथी जयश्री मोहितेनवार, रमेश चव्हाण, गोविंद मोरे, चारुदत्त पावसकर, गणेश पवार, दिनेश राणे, उदय साटम, नरसिंहराव होटगे, कमलेश साळकर, श्रद्धा अष्टीवकर, रुपाली कापसे, शशीप्रभा जाधव, एड. पूजा जाधव, हर्षल जाधव, रेहाना शेख, विपुल जैन, सलीम राज खान, इम्तियाज अली शेख तथा साहस चैरिटेबल ट्रस्ट के पदाधिकारी, शुभचिंतक एवं सहयोगी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
सामाजिक प्रतिबद्धता निभाते हुए दिव्यांगजनों को सहायता प्रदान करने वाला यह उपक्रम उत्कृष्ट नियोजन के साथ सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
श्रीयज्ञ सैनी वैश्य हलवाई समाज का दहेज मुक्त सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन 4 व 5 मई को
सामाजिक समरसता एवं एकता का संदेश देगा कार्यक्रम
फोटो अत्यावश्यक

रितेश मिश्रा
हरदोई।श्री यज्ञसेनी वैश्य (हलवाई) समाज जन कल्याण समिति के तत्वावधान में दहेज प्रथा के खिलाफ एक सराहनीय पहल करते हुए दहेज रहित आदर्श सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन 4 मई 2026 सोमवार से 5 मई 2026,मंगलवार को तक आयोजित होगा।
समारोह का आयोजन आरआर इंटर कॉलेज, नघेटा रोड, हरदोई में किया जाएगा, जब कि इसका कार्यालय डी-286 आवास विकास कॉलोनी (बेलाताली के सामने), हरदोई में स्थापित किया गया है। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य समाज में दहेज प्रथा जैसी कुप्रथा को समाप्त करना तथा सरल और सादगीपूर्ण विवाह को बढ़ावा देना है।
समिति के वरिष्ठ संरक्षक नरेश चन्द्र ‘नन्हे’ एवं संयोजक मंडल के सदस्य कृपा शंकर गुप्ता, राम सेवक आर्य, रतन बाबू गुप्ता, राजेश गुप्ता,मुकेश गुप्ता सहित अन्य पदाधिकारियों ने बताया कि यह आयोजन समाज के आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए विशेष रूप से सहायक सिद्ध होगा।
समिति के स्थायी सदस्यों में अनिल गुप्ता उपाध्यक्ष, विजय गुप्ता वरिष्ठ सलाहकार,रूपेश गुप्ता संप्रेक्षक, राजेंद्र कुमार आर्य बबलू उपाध्यक्ष,दिलीप कुमार गुप्ता उपाध्यक्ष, सर्वेश गुप्ता सह मंत्री,अमित कुमार गुप्ता "शीलू"  सह कोषाध्यक्ष,अभिनेष कुमार गुप्ता उपाध्यक्ष,नीरज कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री, अरुणेश गुप्ता राजा भैया व्यवस्था मंत्री,
विमल कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री, विश्वास कुमार गुप्ता प्रचार मंत्री, मुकेश कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री,मनोज कुमार गुप्ता प्रचार मंत्री, अनूप कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री सहित कई समाजसेवी सक्रिय रूप से कार्यक्रम की तैयारियों में जुटे हैं।
वहीं महिला मंडल की ओर से सुमन गुप्ता उपाध्यक्ष, रेखा गुप्ता कोष सहयोगी, प्रीति गुप्ता मंच संचालिका, बीनू गुप्ता मंत्री एवं ज्योति गुप्ता सह मंत्री, आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
समिति के अध्यक्ष विमलेश कुमार गुप्ता, वरिष्ठ उपाध्यक्ष संदीप गुप्ता, कोषाध्यक्ष नीरज गुप्ता एवं महामंत्री अमित कुमार गुप्ता ने समाज के सभी वर्गों से इस आयोजन में सहयोग एवं सहभागिता की अपील की है।
इस सामूहिक विवाह समारोह के माध्यम से आयोजकों का लक्ष्य न केवल दहेज प्रथा को समाप्त करने का है, बल्कि समाज में आपसी सहयोग, समानता और सादगीपूर्ण जीवन मूल्यों को भी बढ़ावा देना है।
मार्केट बंद होने में दो कानून नहीं चलेगा, पुलिस को सख्‍ती से अंकुश लगाना आवश्‍यक : आलोक शर्मा


सांसद ने कहा - भोपाल वक्फ की जागीर नहीं

सांसद आलोक शर्मा ने पुलिस आयुक्त से की मुलाकात

भोपाल। सांसद आलोक शर्मा ने कहा कि भोपाल में मार्केट बंद होने के दो कानून प्रचलित है, जिस पर पुलिस को सख्ती से अंकुश लगाना चाहिए। उन्होंने कहा पुराने भोपाल शहर में रातभर दुकानें खुली रहती है, जहां पर आपराधिक गतिविधियों को बल मिलता है। उन्होंने कहा कि ईश्वर ने रात सोने के लिए बनाई है। घर पर अब्बू, अम्मी इंतजार करते हैं कि बेटा आएगा और हमें दवाई देगा लेकिन बेटा तो रातभर बिरयानी की दुकान और मार्केट में ही बिताता है। ये चिंता आज कई परिवारों की है। युवा गलत रास्ता अपना लेते हैं। शनिवार को सांसद आलोक शर्मा ने भोपाल पुलिस कमिश्नर संजय कुमार से मुलाकात कर उन्हें इस आशय का एक पत्र सौंपा है जिसमें भोपाल के सभी मार्केट एक समय पर बंद करने का आग्रह किया है। ज्ञात रहे सांसद शर्मा पूर्व में भी कई बार ये मुद्दा उठाते रहे हैं लेकिन पुलिस की सख्ती न होने के कारण आज भी व्यवस्था वैसी ही है। सांसद शर्मा ने पुलिस आयुक्त से मुलाकात के दौरान बताया कि अभी भोपाल शहर में दो कानून प्रचलित हैं, न्यू मार्केट, एमपी नगर, संत हिरदाराम नगर, बीएचईएल बरखेड़ा, इंद्रपुरी सोनागिरि, 6 नंबर मार्केट, 10 नंबर मार्केट, लखेरापुरा, सराफा चौक आदि रात में 10 बजे तक बंद हो जाते हैं। जबकि पुराने भोपाल शहर के मार्केट्स काजीकैंप, लक्ष्मी टॉकीज, बसस्टैंड, रेलवे स्टेशन, रॉयल मार्केट जीपीओ, इमामी गेट, राजू टी-स्टाल, जिंसी-जहांगीराबाद, सब्बन चौराहा, इतवारा, बुधवारा में दुकानें रातभर खुली रहती हैं जिससे आपराधिक गतिविधियों को बल मिलता है और शहर की कानून व्यवस्था बिगड़ती है। सांसद शर्मा को पुलिस आयुक्त संजय कुमार ने शहर के सभी मार्केट्स एक समय पर बंद कराने की कार्यवाही सुनिश्चित कराने का आश्वासन दिया है।

* भोपाल वक्फ की जागीर नहीं

मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए सांसद आलोक शर्मा ने कहा कि भोपाल वक्फ की जागीर नहीं है। शहर में कहीं भी डेवलपमेंट के काम करने जाएं तो खड़े हो जाते हैं कि यह वक्फ की जमीन है। महापौर रहते जब हम पॉलिटेक्निक से भारत माता चौराहे तक स्मार्ट रोड बनाने गए तो रोड़ा अटकाया। बोले कि यह वक्फ की जमीन है जबकि आज वहां स्मार्ट रोड बन जाने के बाद मुसलमान भी उस रोड पर निकलता है, हिंदू भी उस पर रोड पर निकलता है, सभी वर्ग के लोग उस स्मार्ट रोड का उपयोग करते हैं। इसी प्रकार श्यामला हिल्स पर मानस भवन के पीछे की झुग्गियां का हटाने का मामला भी है। वहां पर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत सभी को आवास का पैसा जमा किया गया है। किसी को बेघर नहीं किया जाएगा लेकिन शहर के अंदर सरकारी जमीन पर किसी को भी अतिक्रमण करने की इजाजत नहीं दी जाएगी। वक्फ के नाम पर किसी को भी अवैध कब्जा नहीं करने दिया जाएगा।

एआई ज्ञान दे सकता है, लेकिन शिक्षक जीवन का मार्गदर्शन करता है- डॉ प्रदीप कुमार


( शिक्षा में कृत्रिम बुद्धिमत्ता की भूमिका पर संगोष्ठी आयोजित )



सुलतानपुर। राणा प्रताप पी.जी. कॉलेज के बी.एड. विभाग द्वारा बाबू धनञ्जय सिंह स्मृति व्याख्यान माला के अंतर्गत “शिक्षा में कृत्रिम बुद्धिमत्ता की भूमिका” विषयक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में शिक्षकों, प्रशिक्षणार्थियों एवं विद्यार्थियों की उत्साहपूर्ण सहभागिता रही। कार्यक्रम का शुभारंभ स्वागत भाषण के साथ हुआ, जिसमें उपप्राचार्य प्रो. निशा सिंह ने अतिथियों का अभिनंदन करते हुए कहा कि वर्तमान समय में कृत्रिम बुद्धिमत्ता शिक्षा के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित कर रही है, किंतु इसके उपयोग में संतुलन और विवेक आवश्यक है। प्रस्ताविकी एवं उद्बोधन प्राचार्य प्रो. डी. के. त्रिपाठी द्वारा प्रस्तुत किया गया। उन्होंने शिक्षा को ज्ञानार्जन के साथ-साथ व्यक्तित्व निर्माण की प्रक्रिया बताते हुए कहा कि तकनीक का समुचित उपयोग ही शिक्षा को प्रभावी बना सकता है। भविष्य ए आई  का है इसलिए इससे जुड़कर अपनी उपयोगिता बढ़ाये। मुख्य वक्ता के रूप में केएनआईटी के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. प्रदीप कुमार ने विषय पर गहन एवं विस्तृत व्याख्यान दिया। उन्होंने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता शिक्षा को अधिक सुलभ, रोचक और प्रभावी बना रही है। ए आई आधारित उपकरण विद्यार्थियों को व्यक्तिगत सीखने का अवसर प्रदान करते हैं, जिससे उनकी समझ और दक्षता में वृद्धि होती है। एआई ज्ञान दे सकता है, लेकिन शिक्षक जीवन का मार्गदर्शन करता है।साथ ही उन्होंने चेताया कि एआई का उपयोग केवल ज्ञानवर्धन के लिए किया जाना चाहिए, इसके दुरुपयोग से बचना आवश्यक है।मुख्य वक्ता डॉ प्रदीप कुमार ने जिज्ञासा प्रश्नोत्तरी के अंतर्गत डॉ शिशिर श्रीवास्तव, डॉ आलोक पाण्डेय और बी एड़ प्रथम वर्ष की छात्रा प्रिया सरोज के प्रश्नों का समाधान भी किया। प्रबंधक बाल चंद्र सिंह ने अपने संक्षिप्त उद्बोधन में कहा कि आधुनिक युग में तकनीक से जुड़ना समय की आवश्यकता है, परंतु इसके सुरक्षित एवं नैतिक उपयोग पर विशेष ध्यान देना चाहिए। बाबू धनञ्जय सिंह स्मृति व्याख्यान माला के समन्वयक डॉ. आलोक पाण्डेय ने कार्यक्रम की रूपरेखा पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इस प्रकार की संगोष्ठियाँ विद्यार्थियों को नवीनतम ज्ञान से जोड़ने का सशक्त माध्यम हैं।
संगोष्ठी का सफल संचालन डॉ. संतोष ‘अंश’ द्वारा किया गया। उन्होंने अपने संचालन में कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता ज्ञान का विस्तार तो करती है, किंतु शिक्षक का स्थान सदैव मार्गदर्शक के रूप में सर्वोपरि रहेगा। एआई शिक्षक का विकल्प नहीं संकल्प होना चाहिए।अंत में बी.एड. विभागाध्यक्ष डॉ. भारती सिंह ने आभार ज्ञापन करते हुए सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का धन्यवाद ज्ञापित किया। सरस्वती वंदना रुचि श्रीवास्तव एवं मानसी पाण्डेय ने प्रस्तुत किया। स्वागत गीत श्वेता मिश्रा ने गाया। इस अवसर पर प्रो शैलेन्द्र प्रताप सिंह, प्रो धीरेंद्र कुमार, डॉ रंजना पटेल,प्रो सुनील त्रिपाठी, डॉ महमूद आलम, डॉ आलोक कुमार, डॉ सुनील त्रिपाठी,डॉ  नीतू सिंह, डॉ बीना सिंह, डॉ प्रदीप कुमार सिंह,डॉ शिशिर श्रीवास्तव, शांतिलता कुमारी, डॉ सीमा सिंह, डॉ यशमंत सिंह,डॉ विपिन शर्मा, यशस्वी प्रताप सिंह, शालिनी पाण्डेय, प्रमोद श्रीवास्तव के साथ महाविद्यालय के शिक्षकगण, बी.एड. के प्रशिक्षणार्थी एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।
पुलिस ने एक अभियुक्त को किया गिरफ्तार।
                                                         

रितेश मिश्रा
हरदोई !; कछौना पुलिस ने मुकदमा संख्या 103/2026 धारा 87/137(2) बी एन एस से सम्बन्धित एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया है प्राप्त बिबरण मे शनिबार को एक ब्यक्ति द्वारा थाना पर तहरीर दी गई कि वादी की पुत्री घर गई जो अभी तक बापस लौटी नही है वादी की तहरीर के आधार पर मुकदमा पंजी क्रत किया गया और महिला उपनिरीक्षक समीक्षा कटियार ब आरक्षी राहुल रतन के द्वारा  अभियुक्त अजय कुमार पुत्र किशनू निवासी कनेरा थाना नैमिष जनपद सीतापुर को गिरफ्तार कर  अपह्र्ता को सकुशल बरामद किया गया है
प्रदेश सरकार फेल, जनता की जान से खिलवाड़”- जीतू पटवारी का हमला

- जहरीले पानी, हादसों और किसानों के मुद्दों पर सरकार को घेरा

- 7 मई को बड़वानी से मुरैना तक चक्का जाम करने का किया ऐलान

भोपाल, प्रतिनिधि। मध्यप्रदेश में विपक्ष ने एक बार फिर राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है। कांग्रेस नेता जीतू पटवारी ने भोपाल में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में सरकार को घेरते हुए कहा कि प्रदेश में “जनता की जान से खिलवाड़” किया जा रहा है। पटवारी ने आरोप लगाया कि प्रदेश में पानी जैसी बुनियादी जरूरत भी सुरक्षित नहीं रह गई है। उन्होंने दावा किया कि हाल ही में जहरीले पानी के कारण 36 लोगों की मौत हुई, जिनमें बच्चे भी शामिल हैं।

बरगी बांध की घटना का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि वहां 9 लोगों की मौत हुई, लेकिन सरकार की ओर से संवेदनशीलता नहीं दिखाई गई। उन्होंने आरोप लगाया कि जब मां-बेटे के शव निकाले जा रहे थे, उस समय मुख्यमंत्री अन्य कार्यक्रमों में व्यस्त थे। परिवहन व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए पटवारी ने कहा कि नियमों की अनदेखी के कारण आदिवासी क्षेत्रों में लोग ट्रकों और बसों की छतों पर सफर करने को मजबूर हैं, जिससे हादसे बढ़ रहे हैं। इसे उन्होंने सरकार की नीतिगत विफलता बताया।

किसानों के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि सरकार ने गेहूं का समर्थन मूल्य 2700 रुपये और धान का 3100 रुपये देने का वादा किया था, लेकिन किसानों को इससे कम कीमत मिल रही है। उन्होंने भावांतर योजना की राशि तुरंत किसानों के खातों में डालने की मांग की।

पटवारी ने 7 मई को बड़वानी से मुरैना तक चक्का जाम का ऐलान करते हुए कहा कि यह आंदोलन किसानों के हित में होगा, भले ही इससे आमजन को असुविधा उठानी पड़े। न्याय व्यवस्था को लेकर भी उन्होंने चिंता जताई और कहा कि लोगों का भरोसा कमजोर हो रहा है। इस दौरान उन्होंने वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह से मुलाकात का जिक्र करते हुए बताया कि उन्होंने उनके काम की सराहना की है। पटवारी ने कहा कि वे प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर प्रदेश की स्थिति से अवगत कराएंगे।

भदोही पुलिस ने वापस कराए ₹1.20 लाख:साइबर धोखाधड़ी का शिकार हुए व्यक्ति को मिली राहत

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। भदोही पुलिस ने साइबर धोखाधड़ी के एक मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए एक पीड़ित व्यक्ति को ₹1,20,000 की धनराशि वापस दिलाई है। पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी ने जनपद में साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए साइबर पुलिस टीम को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए थे।
शिकायतकर्ता जितेंद्र यादव, निवासी रमईपुर, थाना चौरी, ने 11 अक्टूबर 2025 को फोन पे के माध्यम से ₹1,20,000 स्थानांतरित करते समय गलती से यह राशि किसी दूसरे बैंक खाते में भेज दी थी।
पीड़ित ने इस संबंध में एनसीआरपी (NCRP) पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई थी। भदोही जनपद की साइबर सेल ने शिकायत का अवलोकन कर उक्त पैसे पर तत्काल रोक लगवाई। इसके बाद, माननीय न्यायालय के आदेश के क्रम में पीड़ित की पूरी ₹1,20,000 की धनराशि उसके खाते में वापस करा दी गई।
अपनी धनराशि वापस पाकर पीड़ित जितेंद्र यादव ने पुलिस अधीक्षक भदोही और जनपदीय साइबर सेल के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने भदोही पुलिस की कार्यप्रणाली की सराहना की।
पुलिस ने जनता से अपील की है कि किसी भी प्रकार की साइबर ठगी होने पर तत्काल 1930 हेल्पलाइन नंबर पर कॉल करें और www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें। भदोही पुलिस का संकल्प है, "आपकी सुरक्षा, हमारा संकल्प"।
इस कार्रवाई में साइबर क्राइम थाना/सेल के प्रभारी निरीक्षक श्री विजय प्रताप सिंह, हेड कांस्टेबल देवानंद सिंह और कांस्टेबल सदानंद शामिल थे।
बाराबंकी में 13वीं यूपी पुलिस आर्चरी प्रतियोगिता का भव्य समापन ,डॉ रामकृष्ण स्वर्णकार की मौजूदगी में खिलाड़ियों का सम्मान
मेरठ जोन ने पुरुष और महिला दोनों वर्गों में जीती ट्रॉफी

11 जोनों की टीमों ने लिया प्रतियोगिता में हिस्सा

लखनऊ । बाराबंकी स्थित 10वीं वाहिनी पीएसी के आर्चरी ग्राउंड पर आयोजित 13वीं उत्तर प्रदेश पुलिस आर्चरी प्रतियोगिता का समापन 30 अप्रैल 2026 को उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में डॉ रामकृष्ण स्वर्णकार (अपर पुलिस महानिदेशक, पीएसी) उपस्थित रहे।
समारोह की शुरुआत सहआयोजन सचिव एवं सेनानायक राकेश कुमार सिंह द्वारा मुख्य अतिथि के स्वागत से हुई। उन्हें पुष्पगुच्छ और स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। इसके बाद मुख्य अतिथि ने प्रतियोगिता में शामिल विभिन्न जोनों की टीमों के मैनेजरों से परिचय प्राप्त किया और खिलाड़ियों का अभिवादन स्वीकार किया।
इस प्रतियोगिता में उत्तर प्रदेश पुलिस के कुल 11 जोनों—गोरखपुर, वाराणसी, बरेली, प्रयागराज, मेरठ, लखनऊ, कानपुर, पीएसी पूर्वी, पीएसी पश्चिमी, पीएसी मध्य और आगरा—की टीमों ने हिस्सा लिया। सभी टीमों ने खेल भावना के साथ उत्कृष्ट प्रदर्शन किया।
प्रतियोगिता के परिणामों में मेरठ जोन का दबदबा देखने को मिला। पुरुष वर्ग में मेरठ जोन ने शानदार प्रदर्शन करते हुए चल वैजयंती ट्रॉफी अपने नाम की, जबकि पीएसी पूर्वी जोन उपविजेता रहा। महिला वर्ग में भी मेरठ जोन ने पहला स्थान हासिल किया और प्रयागराज जोन दूसरे स्थान पर रहा।
व्यक्तिगत स्पर्धाओं में भी खिलाड़ियों ने बेहतर प्रदर्शन किया। 70 मीटर रिकर्व राउंड (पुरुष) में वाराणसी जोन के श्रेय भारद्वाज ने प्रथम स्थान प्राप्त किया, जबकि मेरठ के मोनू कुमार और कुंवरजीत सिंह क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर रहे। महिला वर्ग में मेरठ की अनीता ने पहला स्थान प्राप्त किया, जबकि वाराणसी की जीनत आरा दूसरे और मेरठ की सुमन चौधरी तीसरे स्थान पर रहीं।
50 मीटर कंपाउंड राउंड (पुरुष) में मेरठ के गौरव, हर्ष बालियान और तरुण कुमार दीक्षित ने क्रमशः प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त किया। महिला वर्ग में मेरठ की अंकिता शर्मा और वर्ण्या ने पहला और दूसरा स्थान हासिल किया, जबकि वाराणसी की आंचल रॉय तीसरे स्थान पर रहीं।
ओवरऑल प्रदर्शन में पुरुष वर्ग में मेरठ जोन ने 2472 अंक प्राप्त कर प्रथम स्थान हासिल किया। पीएसी पूर्वी जोन 2433 अंकों के साथ दूसरे और प्रयागराज जोन 2426 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर रहा। महिला वर्ग में मेरठ जोन 1800 अंकों के साथ पहले, प्रयागराज 1404 अंकों के साथ दूसरे और कानपुर जोन 942 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर रहा।
समापन समारोह के दौरान मुख्य अतिथि ने विजेता खिलाड़ियों को मेडल और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। उन्होंने अपने संबोधन में सभी खिलाड़ियों को खेल भावना बनाए रखने, हार-जीत को स्वीकार करने और भविष्य में बेहतर प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के अंत में मुख्य अतिथि द्वारा वाहिनी परिसर में नवनिर्मित बैडमिंटन कोर्ट का उद्घाटन किया गया और जिम्नेजियम हॉल का निरीक्षण भी किया गया। इस अवसर पर शिविरपाल अभिषेक श्रीवास्तव, सूबेदार सैन्य सहायक अमित कुमार सिंह, स्पोर्ट्स प्रभारी निखिल मिश्रा सहित कई अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
BMC शिक्षक रमाकांत तिवारी का सेवा संपूर्ति सम्मान समारोह संपन्न
मुंबई । बृहन्मुंबई महानगरपालिका शिक्षण विभाग द्वारा संचालित पोयसर मनपा उच्च प्राथमिक हिंदी शाला क्रमांक एक के विद्वान शिक्षक रमाकांत जे तिवारी के सेवानिवृत होने पर शाला सभागृह में विदाई समारोह का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता शाला की मुख्याध्यापिका गीता कनवजे ने किया। मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित शिक्षा निरीक्षक संगीता जैसवार ने कहा कि करीब 34 वर्षों तक महानगरपालिका शिक्षण विभाग में कार्यरत रहे रमाकांत तिवारी एक समर्पित और कर्तव्यनिष्ठ शिक्षक रहे। इनके मार्गदर्शन में सैकड़ों बच्चों ने विभिन्न प्रतियोगिताओं में विद्यालय का नाम रोशन किया। समारोह में सम्मानित अतिथि के रूप में पूर्व शिक्षा निरीक्षक गुरमीत कौर चावला, संगीता बड़े, सूचना संखे तथा उषा रतूड़ी उपस्थित रहे। समारोह में श्री तिवारी की धर्मपत्नी सुषमा तिवारी दो बेटे अनुपम और आकाश के अलावा उनकी बहू शिक्षिका माला तिवारी भी उपस्थित रहीं। कार्यक्रम में उपस्थित लोगों में अरविंद सिंह, कुशल वर्तक, सुरेश गायकवाड़, जय प्रकाश उपाध्याय, सविता यादव, धनश्री सावे, निलिमा परेड, भावना चौहान, शिवनाथ खेडेकर, सना शेख, प्रेमलता सिंग, स्वाती टीचर, विपीन कुमार तिवारी इत्यादि का समावेश रहा।
पारस ग्रुप ऑफ फाउंडेशन का 10वां स्थापना दिवस धूमधाम से मनाया, ‘उत्कर्ष उत्सव 2026’ में 51 महिलाओं सहित कई संस्थाएं सम्मानित

रायपुर- पारस ग्रुप ऑफ फाउंडेशन ने पारस इंस्टीट्यूट ऑफ एजुकेशन के 10वें स्थापना दिवस के अवसर पर ‘पारस दशाब्दी उत्कर्ष उत्सव 2026’ का भव्य आयोजन किया। यह कार्यक्रम केवल एक उत्सव नहीं था, बल्कि समाज में उत्कृष्ट कार्य कर रही महिलाओं और संस्थाओं को सम्मानित करने का एक प्रेरणादायक मंच भी बना।

कार्यक्रम में 500 से अधिक महिलाओं की उपस्थिति ने पूरे आयोजन को खास बना दिया। बड़ी संख्या में महिलाओं की भागीदारी से माहौल उत्साह और ऊर्जा से भर गया। यह आयोजन इस बात का प्रतीक रहा कि समाज में अच्छे कार्यों को पहचान और सम्मान देना कितना जरूरी है।

इस मौके पर विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वाली 51 महिलाओं को सम्मानित किया गया। साथ ही 7 गैर-सरकारी संस्थाओं (एनजीओ) को भी उनके सराहनीय योगदान के लिए मंच पर सम्मान मिला।

कार्यक्रम की एक विशेष पहल उन संयुक्त परिवारों को सम्मानित करना भी रही, जिनमें चार पीढ़ियां एक साथ रह रही हैं। इस पहल के जरिए परिवारिक एकता और भारतीय संस्कृति के महत्व को उजागर किया गया।

इस आयोजन में पारस ग्रुप ऑफ फाउंडेशन की अध्यक्षा डॉ. कविता कुंभज, सचिव मूलचंद कश्यप, कोषाध्यक्ष राहुल कुंभज एवं उपाध्यक्ष ज्योति की उपस्थिति रही। उनके नेतृत्व में कार्यक्रम बेहद सुव्यवस्थित और सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष विभा अवस्थी, छत्तीसगढ़ बाल आयोग की अध्यक्ष डॉ. वर्णिका शर्मा एवं छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध गायक विवेक शर्मा , एसीपी सीमा अहिवारा जी, पार्षद कृतिका जैन जी उपस्थित रहे। इसके अलावा कई विशिष्ट अतिथि, समाजसेवी और गणमान्य नागरिक भी कार्यक्रम में शामिल हुए।

इस आयोजन का उद्देश्य समाज में सकारात्मक कार्य करने वाले लोगों और संस्थाओं को प्रोत्साहित करना था। सम्मान प्राप्त करते समय प्रतिभागियों के चेहरे पर खुशी और गर्व साफ दिखाई दे रहा था, जो कार्यक्रम की सफलता को दर्शाता है।

कार्यक्रम को सफल बनाने में कई सहयोगियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। इनमें कमलेश जैन (श्रीमती चम्पा इंदिरा देवी जैन चैरिटेबल ट्रस्ट रायपुर), गीता वर्मा, रुद्रांश ज्वेलर्स, डी.पी. गोस्वामी, अनिकेता भारद्वाज (डीएसी एकेडमी), रूपेंद्र साहू एवं हर्षा साहू (छत्तीसगढ़ डिफेंस एकेडमी), जय करण (जेई एलीवेटर), राहुल गुप्ता (लवकुश सेल्स एंड फर्नीचर), विनोद (तिरुपति धार्मिक यात्रा), राम तिवारी (मौलश्री मसाले), अजय साहू (अवधेश एप्टेक कम्प्यूटैक), ललित एवं लक्ष्मण (डीबी ग्राफिक्स), भास्कर साहू (एमवीएल फिल्म फोटोग्राफी), संजय महतो (माहतो स्टूडियो) एवं दीपक्षा (जैनम एकेडमी) सहित अन्य सहयोगी शामिल रहे।

इसके अलावा पियूष जैन, देवेंद्र चतुर्वेदी, हरदीप कौर, रात्रि लहरी, लाहोटी, शेखर वर्मा, रघुनाथ भरद्वाज, डॉ. उदय भान सिंह, अजय श्रीवास्तव, ब्रज यादव, भूपेंद्र मानिकपुरी, कमल साहू एवं प्रिय गुप्ता सहित कई गणमान्य लोग कार्यक्रम में मौजूद रहे। पारस ग्रुप ऑफ फाउंडेशन द्वारा सभी सहयोगी साथियों को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।

कार्यक्रम के दौरान सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने भी सभी का मन मोह लिया। खासतौर पर नन्हे बच्चों द्वारा प्रस्तुत साउथ क्लासिकल डांस ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया और खूब तालियां बटोरीं।

इस आयोजन को सफल बनाने में संस्थान के स्टाफ की भी अहम भूमिका रही। रानी सिंह ठाकुर, काजल, अतुल, पियूष और राधिका ने व्यवस्थाओं को सुचारू रूप से संभालने में सराहनीय योगदान दिया।

कार्यक्रम का संचालन रात्रि लहरी और काजल ने बहुत ही सहज और प्रभावशाली ढंग से किया, जिससे पूरा कार्यक्रम व्यवस्थित और रोचक बना रहा।

पारस इंस्टीट्यूट ऑफ एजुकेशन की 10 साल की यह यात्रा संघर्ष, मेहनत और समर्पण की कहानी है। एक छोटे स्तर से शुरुआत कर आज यह संस्थान शिक्षा के क्षेत्र में अपनी मजबूत पहचान बना चुका है।

‘पारस दशाब्दी उत्कर्ष उत्सव 2026’ केवल एक आयोजन नहीं था, बल्कि समाज में सकारात्मक कार्य करने वालों को सम्मान देने और दूसरों को प्रेरित करने का एक सशक्त माध्यम भी बना।

यह आयोजन पारस ग्रुप ऑफ फाउंडेशन की सामाजिक प्रतिबद्धता और सेवा भावना को दर्शाता है, जो आने वाले समय में और भी बड़े कार्यों की प्रेरणा देता रहेगा।