Sambhal शानो-शौकत से निकला जुलूस-ए-मोहम्मदी, ‘या रसूल अल्लाह’ की सदाओं से गूंजा सम्भल
जश्ने ईद मिलादुन्नबी के मुबारक मौके पर मदरसा अहले सुन्नत अजमल उल उलूम के तत्वावधान में जुलूस-ए-मौहम्मदी शानो-शौकत, अकीदत और उत्साह के साथ निकाला गया। जुलूस के दौरान पूरा शहर ‘या रसूल अल्लाह’ की सदाओं, नात-ए-पाक और दरूदो-सलाम से गूंजता रहा। बड़ी संख्या में अकीदतमंद हाथों में इस्लामी झंडे लेकर जुलूस में शामिल हुए।

जुलूस मदरसे से शुरू होकर अन्जुमन मदरसा, मौहल्ला दीपा सराय, तिलंगो वाली मस्जिद और पेपटपुरा होते हुए दीपा सराय चौक पहुंचा, जहां जुलूस का समापन हुआ और तकरीर का आयोजन किया गया। चमन सराय-जगत से निकला जुलूस मियां मीरन शाह रोड, दरीबा और आर्य समाज रोड होते हुए मुख्य जुलूस में शामिल हुआ। वहीं देहली दरवाजा से निकला जुलूस मुख्य बाजार, चक्की का पाट, टंडन तिराहा, कोतवाली के सामने और आर्य समाज रोड से मुख्य जुलूस में पहुंचा। मौहल्ला रायसत्ती से निकला जुलूस बल्ले की पुलिया होते हुए खग्गू सराय तिराहा पहुंचा, जबकि डेरासराय से निकला जुलूस होली चौक, कटरा बाजार, एजेंटी तिराहा और आर्य समाज रोड होते हुए मुख्य जुलूस में शामिल हुआ। इसके अलावा विभिन्न मौहल्लों और गांवों से निकले छोटे-छोटे जुलूस भी मुख्य जुलूस का हिस्सा बने। जुलूस में विभिन्न नक्शे और झांकियां आकर्षण का केंद्र रहीं। बच्चों ने सोशल मीडिया की बढ़ती लत से दूर रहकर कुरआन मजीद से जुड़ने का संदेश देने वाला नक्शा प्रस्तुत किया। रास्ते भर जगह-जगह लंगर और पानी की व्यवस्था की गई। लोगों ने फूल बरसाकर जुलूस का स्वागत किया और अकीदतमंदों की खिदमत की। दीपा सराय चौक पर जुलूस संपन्न होने के बाद लोगों को तबर्रुकात की जियारत कराई गई। इस दौरान मुल्क और शहर में अमन-ओ-अमान की दुआ की गई। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। जुलूस के मार्ग पर सिटी मजिस्ट्रेट, एसडीएम, सीओ पर्याप्त पुलिस बल के साथ तैनात रहे और प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों ने लगातार सुरक्षा व्यवस्था पर नजर बनाए रखी।
Sambhal शानो-शौकत से निकला जुलूस-ए-मोहम्मदी, ‘या रसूल अल्लाह’ की सदाओं से गूंजा सम्भल
जश्ने ईद मिलादुन्नबी के मुबारक मौके पर मदरसा अहले सुन्नत अजमल उल उलूम के तत्वावधान में जुलूस-ए-मौहम्मदी शानो-शौकत, अकीदत और उत्साह के साथ निकाला गया। जुलूस के दौरान पूरा शहर ‘या रसूल अल्लाह’ की सदाओं, नात-ए-पाक और दरूदो-सलाम से गूंजता रहा। बड़ी संख्या में अकीदतमंद हाथों में इस्लामी झंडे लेकर जुलूस में शामिल हुए।

जुलूस मदरसे से शुरू होकर अन्जुमन मदरसा, मौहल्ला दीपा सराय, तिलंगो वाली मस्जिद और पेपटपुरा होते हुए दीपा सराय चौक पहुंचा, जहां जुलूस का समापन हुआ और तकरीर का आयोजन किया गया। चमन सराय-जगत से निकला जुलूस मियां मीरन शाह रोड, दरीबा और आर्य समाज रोड होते हुए मुख्य जुलूस में शामिल हुआ। वहीं देहली दरवाजा से निकला जुलूस मुख्य बाजार, चक्की का पाट, टंडन तिराहा, कोतवाली के सामने और आर्य समाज रोड से मुख्य जुलूस में पहुंचा। मौहल्ला रायसत्ती से निकला जुलूस बल्ले की पुलिया होते हुए खग्गू सराय तिराहा पहुंचा, जबकि डेरासराय से निकला जुलूस होली चौक, कटरा बाजार, एजेंटी तिराहा और आर्य समाज रोड होते हुए मुख्य जुलूस में शामिल हुआ। इसके अलावा विभिन्न मौहल्लों और गांवों से निकले छोटे-छोटे जुलूस भी मुख्य जुलूस का हिस्सा बने। जुलूस में विभिन्न नक्शे और झांकियां आकर्षण का केंद्र रहीं। बच्चों ने सोशल मीडिया की बढ़ती लत से दूर रहकर कुरआन मजीद से जुड़ने का संदेश देने वाला नक्शा प्रस्तुत किया। रास्ते भर जगह-जगह लंगर और पानी की व्यवस्था की गई। लोगों ने फूल बरसाकर जुलूस का स्वागत किया और अकीदतमंदों की खिदमत की। दीपा सराय चौक पर जुलूस संपन्न होने के बाद लोगों को तबर्रुकात की जियारत कराई गई। इस दौरान मुल्क और शहर में अमन-ओ-अमान की दुआ की गई। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। जुलूस के मार्ग पर सिटी मजिस्ट्रेट, एसडीएम, सीओ पर्याप्त पुलिस बल के साथ तैनात रहे और प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों ने लगातार सुरक्षा व्यवस्था पर नजर बनाए रखी।
भाजपा का बयान हताशा और राजनीतिक दिवालियेपन की पराकाष्ठा : विनोद कुमार पांडेय

झारखंड मुक्ति मोर्चा के केंद्रीय महासचिव विनोद कुमार पांडेय ने भाजपा प्रदेश मुख्य प्रवक्ता के बयान पर कड़ा पलटवार करते हुए कहा कि जिन लोगों ने लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करने और विपक्षी आवाजों को दबाने की राजनीति को देशभर में स्थापित किया, उन्हें झारखंड की लोकतांत्रिक सरकार को नसीहत देने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है।

विनोद पांडेय ने कहा कि झारखंड सरकार की तुलना इतिहास की गंभीर त्रासदियों से करना न सिर्फ राजनीतिक दुरुपयोग है, बल्कि भाजपा की बौखलाहट और राजनीतिक कुंठा को भी दर्शाता है। भाजपा को चाहिए कि वह ऐसे अमर्यादित और गैर-जिम्मेदाराना बयानों के बजाय जनता के वास्तविक मुद्दों पर बात करे।

उन्होंने कहा कि धरना-प्रदर्शन, कानून-व्यवस्था और सोशल मीडिया से जुड़े नियमों को तोड़-मरोड़कर पेश करना भाजपा की पुरानी राजनीतिक शैली है। अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता संविधान प्रदत्त अधिकार है, लेकिन कोई भी अधिकार कानून से ऊपर नहीं है। सरकार का दायित्व है कि लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के साथ-साथ कानून-व्यवस्था भी सुनिश्चित करे। प्रशासनिक प्रक्रिया को राजनीतिक दमन बताना पूरी तरह भ्रामक है।

विनोद पांडेय ने कहा कि भाजपा नेताओं को पहले अपने शासन वाले राज्यों में लोकतांत्रिक अधिकारों, छात्रों, किसानों और विपक्षी नेताओं के साथ हुए व्यवहार का हिसाब देना चाहिए। दूसरों को लोकतंत्र का प्रमाणपत्र बांटने से पहले भाजपा अपने राजनीतिक इतिहास के पन्ने पलट ले।

जेपीएससी पर भाजपा की राजनीति तथ्यहीन और अवसरवादी

जेपीएससी मामले पर भाजपा के आरोपों पर विनोद पांडेय ने कहा कि न्यायपालिका में सरकार की ओर से कौन अधिवक्ता किस स्तर पर पैरवी करेगा, यह पूरी तरह विधिक प्रक्रिया और सरकार के अधिवक्ताओं का विषय है। इसे राजनीतिक षड्यंत्र का रंग देना न्यायिक प्रक्रिया पर अनावश्यक सवाल खड़े करने की कोशिश है।

उन्होंने कहा कि अगर भाजपा के पास जेपीएससी मामले में कोई ठोस तथ्य, दस्तावेज या कानूनी आपत्ति है, तो उसे सक्षम न्यायालय के समक्ष रखना चाहिए, न कि प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए भ्रम फैलाना चाहिए। विद्यार्थियों के हितों के नाम पर राजनीति करने के बजाय भाजपा को यह बताना चाहिए कि उसने उनके भविष्य को लेकर अपने शासनकाल में क्या ठोस कदम उठाए थे।

विनोद पांडेय ने कहा कि हेमंत सोरेन सरकार युवाओं, विद्यार्थियों और आम जनता के हितों के प्रति प्रतिबद्ध है। भाजपा की परेशानी यह है कि झारखंड की जनता अब उसकी राजनीतिक बयानबाजी और झूठे नैरेटिव के बजाय विकास, अधिकार और सामाजिक न्याय की राजनीति को समझ रही है।

उन्होंने भाजपा को नसीहत देते हुए कहा कि राजनीतिक विरोध लोकतंत्र का हिस्सा है, लेकिन लोकतांत्रिक विरोध और तथ्यहीन आरोपों के बीच की मर्यादा नहीं टूटनी चाहिए। भाजपा नेताओं को अपनी भाषा और तथ्यों दोनों पर संयम रखना चाहिए। झारखंड की जनता को नाजी जर्मनी जैसे भयावह ऐतिहासिक संदर्भों से डराने के बजाय भाजपा अपनी नीतियों और अपने काम का हिसाब दे।

उन्होंने कहा कि भाजपा पड़ोस में महाराष्ट्र में अपनी सरकार के नए फरमान के बारे में जानकारी हासिल कर लें जिसमें कहा गया है कि मराठी नहीं आता - तो चालान कटेगा - महाराष्ट्र में रोजी रोजगार नहीं करने दिया जाएगा। झारखंड समेत अन्य राज्य के निवासी को महाराष्ट्र में अब गाड़ी चलाने के लिए सिर्फ लाइसेंस और परमिट काफी नहीं - मराठी का टेस्ट भी पास करना होगा। पूरा मराठी आना होगा। भाजपा की अब अपनी राजनीति चमकाने के लिए भाषा को भी डर और दंड का औजार बना दिया है। हिंदी का सम्मान कहां गया ? कल तक “एक देश, एक भाषा” की बातें, और आज रोज़गार के लिए आए आम आदमी से भाषा की परीक्षा? भाजपा बताए - क्या अब देश के हर राज्य में रोज़गार करने के लिए पहले वहाँ की भाषा की परीक्षा होगी? भाजपा पूरे देश को टुकड़ों में बाँटने की घृणित राजनीति कर रही है।

मेघाश्रेय ने देश की विशिष्ट विभूतियों को दिया सर्वोत्तम नागरिक सम्मान
मुंबई। सर्वोत्तम या आदर्श नागरिक वह व्यक्ति है जो देश के कानूनों का पालन करता है, अपने अधिकारों के साथ कर्तव्यों को समझता है, समाज की भलाई में योगदान देता है, और देश की एकता व अखंडता का सम्मान करता है। देश की अग्रणी सामाजिक संस्था मेघाश्रेय द्वारा आज मुंबई के लोअर परेल स्थित द सेंट रेजिस होटल में आयोजित भव्य समारोह में देश की विशिष्ट विभूतियों को सर्वोत्तम नागरिक सम्मान 2026 प्रदान किया गया।  समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में महाराष्ट्र के राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा, कैबिनेट मंत्री एडवोकेट आशीष शेलार, आरएसएस के अखिल भारतीय संपर्क प्रमुख रामलाल उपस्थित रहे। अलग-अलग क्षेत्रों में प्रेरणादायक कार्य करने वाली जिन विभूतियां को सर्वोत्तम नागरिक सम्मान 2026 प्रदान किया गया उनमें सांसद एवं फिल्म अभिनेता रवि किशन, प्रख्यात कथावाचिका जया किशोरी, पद्मश्री हरिहरन, फिल्म निर्माता सुभाष घई,परमवीर चक्र विजेता योगेंद्र यादव, पदमश्री अशोक लक्ष्मण श्रॉफ, फिल्म अभिनेत्री भूमि पेडणेकर, पदमश्री संजीव कपूर, सुजय जयराज, अभिमन्यु सिंह, अभिषेक सिंह, अहमद खान, सलीम मर्चेंट, जयेशराज भालचंद्र जोशी ,जलील डी पार्कर, लक्ष्मी अग्रवाल, केदार नारायन जोशी, देवांश धनगर का समावेश रहा । इस अवसर पर महाराष्ट्र के महामहिम राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा ने मेघाश्रेय संस्था की अध्यक्ष सीमा सिंह की सराहना करते हुए कहा कि सीमा सिंह ने जो सर्वोत्तम नागरिक सम्मान आज इन विभूतियों को दी है, यह बहुत सराहनीय है।  इतनी खूबसूरत सोच के साथ, पूरे देश से करोड़ों लोगों में 10-20 लोगों को चुनना बहुत ही कठिन चीज है। ऐसे में सीमा सिंह ने जिन विभूतियों को चुना है वह भारत के लिए अलग-अलग क्षेत्र में एक सराहनीय कार्य किए हैं। देश के लिए शानदार योगदान दिए हैं, ऐसे लोग के देश के प्रति रग रग में जोश, देश के प्रति प्यार से ही आज हमारा देश पूरे विश्व में अपना परचम लहरा रहा है। राज्यपाल वर्मा ने कहा कि बहुत संघर्ष परिश्रम करने के बाद कही किसी को इस तरह के बड़े सम्मान से नवाजा जाता है। आप सब धन्य हो हमारे देश के प्रधानमंत्री देश के लिए सराहनीय कार्य कर रहे हैं। देश के प्रधानमंत्री के कार्य का पूरे विश्व में चर्चा होती  है।  इस सुंदर कार्यक्रम के लिए सीमा सिंह व उनके परिवार को गवर्नर ने बधाई दी। इस मौके पर संस्था की संस्थापिका सीमा सिंह के सुपुत्र श्रेयस सिंह तथा सुपुत्री मेघना सिंह ने महाराष्ट्र के गवर्नर जिष्णु देव वर्मा को शॉल, श्रीफल तथा पुष्प गुच्छ देकर संस्था की तरफ से स्वागत सम्मान किया। इस मौके पर हजारों की संख्या में, अलग-अलग क्षेत्रों तथा अलग-अलग प्रांतों से लोग उपस्थित थे।
भाजपा नेताओं को छात्रों के कंधे पर बंदूक रखकर राजनीति करने की आदत छोड़ देनी चाहिए : विनोद पांडेय

झारखंड मुक्ति मोर्चा के महासचिव विनोद पांडेय ने भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी के बयान पर तीखा पलटवार करते हुए कहा कि भाजपा नेताओं को छात्रों के मुद्दों की आड़ में अपनी राजनीतिक जमीन तलाशने की कोशिश बंद करनी चाहिए। उन्होंने भाजपा पर व्यंग करते कहा कि जो लोग सत्ता में रहते हुए युवाओं और छात्रों के सवालों का समाधान नहीं कर पाए, वे आज छात्रों के पीछे खड़े होकर राजनीतिक ड्रामा कर रहे हैं। जबकि हकीकत अब पूरा देश जान चुका है कि माननीय मुख्यमंत्री ने छात्रों की सभी मांगों को मान लिया है, छात्र अपने घर लौट चुके हैं और 25 अगस्त को प्रस्तावित कैबिनेट बैठक में कई और महत्वपूर्ण निर्णय सरकार छात्र हित में लेने जा रही है।

विनोद पांडेय ने कहा कि भाजपा नेताओं की राजनीति अब इतनी कमजोर हो चुकी है कि उन्हें अपनी राजनीतिक लड़ाई लड़ने के लिए छात्रों को आगे करना पड़ रहा है। छात्र-युवा पढ़ाई, रोजगार और अपने भविष्य को लेकर संघर्ष करें, यह उनका लोकतांत्रिक अधिकार है, लेकिन उनके आंदोलनों को राजनीतिक स्वार्थ के लिए इस्तेमाल करना भाजपा की पुरानी कार्यशैली रही है।

उन्होंने कहा कि भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी बताएं कि यदि उन्हें वास्तव में छात्रों की चिंता है तो वे छात्रों के बीच जाकर उनके मुद्दों पर सकारात्मक संवाद क्यों नहीं करते? हर प्रशासनिक कार्रवाई को राजनीतिक दमन बताकर माहौल गरमाना और फिर थाने पहुंचकर राजनीतिक प्रदर्शन करना समस्या का समाधान नहीं, बल्कि छात्रों के कंधे पर बंदूक रखकर राजनीति करना है।

झामुमो महासचिव ने कहा कि कानून अपना काम करेगा और किसी भी मामले में पुलिस को कानून के दायरे में ही कार्रवाई करनी चाहिए। लेकिन किसी व्यक्ति पर कार्रवाई को लेकर बिना पूरी जानकारी के पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाना और उसे राजनीतिक रंग देना जिम्मेदार विपक्ष की भूमिका नहीं है। भाजपा को कानून और लोकतंत्र की दुहाई देने से पहले अपने राजनीतिक आचरण का आईना देखना चाहिए।

उन्होंने कहा कि भाजपा नेता लगातार ऐसी भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं, जिससे छात्रों और युवाओं के बीच भ्रम और टकराव की स्थिति पैदा हो। लोकतंत्र में विरोध का अधिकार है, लेकिन विरोध के नाम पर कानून हाथ में लेने या राजनीतिक उकसावे की राजनीति को जायज नहीं ठहराया जा सकता।

विनोद पांडेय ने कहा कि भाजपा की परेशानी यह है कि झारखंड की जनता ने उसकी राजनीति को नकार दिया है। अब कभी छात्रों के नाम पर, कभी युवाओं के नाम पर और कभी कानून-व्यवस्था के नाम पर भाजपा अपनी राजनीतिक प्रासंगिकता बनाए रखने की कोशिश कर रही है। जनता सब देख रही है और समझ रही है कि कौन छात्रों के भविष्य की चिंता कर रहा है और कौन उनके मुद्दों को अपनी राजनीति का ईंधन बना रहा है।

उन्होंने बाबूलाल मरांडी से सवाल किया कि यदि भाजपा को सचमुच छात्रों की इतनी चिंता है तो वह यह बताए कि केंद्र की भाजपा सरकार के कार्यकाल में युवाओं के रोजगार और प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े सवालों पर उसने क्या ठोस कदम उठाए? सिर्फ थाने में दो घंटे बैठ जाने से छात्र हितैषी होने का प्रमाणपत्र नहीं मिल जाता।

विनोद पांडेय ने कहा कि झामुमो छात्रों और युवाओं के लोकतांत्रिक अधिकारों का सम्मान करता है, लेकिन किसी भी आंदोलन को राजनीतिक हथियार बनाने की कोशिश का विरोध करेगा। भाजपा नेताओं को सलाह है कि छात्रों को आगे करके अपनी राजनीति चमकाने के बजाय खुद मैदान में उतरें और जनता के सवालों का सामना करें।

उन्होंने कहा भाजपा नेताओं को यह समझ लेना चाहिए कि छात्रों के कंधे पर बंदूक रखकर झामुमो से राजनीतिक लड़ाई नहीं लड़ी जा सकती। जनता के बीच जाकर लड़ना है तो भाजपा नेता खुद मैदान में उतरें।

भाइयों की कलाइयों से ऑनलाइन बाजार तक छाया स्वयं सहायता समूह की महिलाओं का हुनर

-  5 हजार स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं तैयार कर रहीं आकर्षक राखियां, ई-सरस समेत ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर बढ़ी मांग

लखनऊ। इस रक्षाबंधन उत्तर प्रदेश की स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी ग्रामीण महिलाओं के हुनर की चमक भाइयों की कलाइयों के साथ-साथ ऑनलाइन बाजार में भी दिखाई देगी। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के निर्देशों के क्रम में उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन से जुड़ी करीब 5,000 स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं आकर्षक, पारंपरिक और आधुनिक डिजाइनों की हस्तनिर्मित राखियां तैयार कर रही हैं।
प्रयागराज, वाराणसी, बागपत, बुलंदशहर, लखीमपुर खीरी, गोरखपुर, उन्नाव, शामली, जौनपुर और मिर्जापुर समेत प्रदेश के लगभग सभी जिलों में महिलाएं राखी निर्माण में जुटी हैं। स्थानीय कला, पारंपरिक शिल्प और नवीन डिजाइनों से तैयार इन राखियों की बाजार में अच्छी मांग है। खास बात यह है कि अब इन उत्पादों को स्थानीय बाजारों के साथ-साथ ई-सरस और विभिन्न ई-कॉमर्स एवं डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए भी ग्राहकों तक पहुंचाया जा रहा है।
उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों की दीदियों द्वारा राखी निर्माण से उनकी आय में वृद्धि के साथ ग्रामीण संस्कृति, भारतीय परंपरा और महिलाओं की सृजनात्मकता को भी बढ़ावा मिलेगा। यह पहल सरकार के ‘लोकल फॉर लोकल’ के संकल्प को गति देने के साथ महिला उद्यमिता और आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

- फर्रुखाबाद और नोएडा की राखियों की ऑनलाइन मांग
मिशन निदेशक अरुण कुमार ने बताया कि उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों को व्यापक बाजार उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दे रहा है। ई-सरस सहित विभिन्न ई-कॉमर्स और डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से महिलाओं के उत्पादों को देशभर के ग्राहकों तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि विशेष रूप से फर्रुखाबाद और नोएडा के स्वयं सहायता समूहों द्वारा तैयार राखियों की ई-सरस पर लगातार अच्छी मांग मिल रही है। इससे ग्रामीण महिलाओं को स्थानीय बाजार की सीमाओं से बाहर निकलकर नए ग्राहकों तक पहुंचने का अवसर मिल रहा है।

- उत्पादन से ब्रांडिंग तक बढ़ रही भागीदारी
वाराणसी, प्रयागराज, गोरखपुर, मिर्जापुर, अयोध्या, बाराबंकी, सीतापुर, कानपुर, आगरा, बरेली, झांसी, फर्रुखाबाद और नोएडा समेत कई जिलों की महिलाएं राखी निर्माण में सक्रिय हैं। इन राखियों में स्थानीय कला और पारंपरिक शिल्प के साथ महिलाओं की रचनात्मकता की झलक दिखाई दे रही है।
डिजिटल बाजार से जुड़ने के कारण महिलाओं के उत्पाद अब स्थानीय सीमाओं से बाहर व्यापक उपभोक्ता वर्ग तक पहुंच रहे हैं। ऑनलाइन बिक्री के माध्यम से उन्हें नए ग्राहक बनाने, उत्पाद की ब्रांडिंग और पैकेजिंग बेहतर करने तथा बाजार की मांग के अनुरूप उत्पादन करने का अनुभव भी मिल रहा है।
रक्षाबंधन जैसे त्योहार स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं के लिए अपने हुनर को आय और उद्यमिता में बदलने का अवसर बन रहे हैं। राखियों की बढ़ती मांग इस बात का संकेत है कि ग्रामीण महिलाओं के गुणवत्तापूर्ण उत्पादों में बड़े बाजार तक पहुंचने की क्षमता है।
राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन द्वारा समूहों के उत्पादों को ई-सरस, ई-कॉमर्स और अन्य डिजिटल प्लेटफॉर्म के साथ-साथ ऑफलाइन बाजारों से जोड़ने के प्रयास जारी हैं। इससे महिलाओं को उत्पादन से लेकर पैकेजिंग, ब्रांडिंग और विपणन तक पूरी प्रक्रिया में आगे बढ़ने और अपने छोटे उद्यमों को विस्तार देने का अवसर मिल रहा है।
इस रक्षाबंधन स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं के हाथों से तैयार राखियां भाई-बहन के प्रेम का प्रतीक बनने के साथ ग्रामीण महिला सशक्तीकरण, आत्मनिर्भरता और उद्यमिता की कहानी भी कहेंगी।
कटकमसांडी थाना कांड में लंबे समय से फरार दो आरोपी गिरफ्तार

हजारीबाग पुलिस ने कटकमसांडी थाना कांड संख्या 177/19 में लंबे समय से फरार चल रहे दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक कार्यालय, हजारीबाग की ओर से 20 अगस्त 2026 को जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, यह कांड कटकमसांडी रेलवे साइडिंग में आगजनी एवं हाईवा वाहन में आग लगाने की घटना से संबंधित है।

पुलिस के अनुसार, कांड संख्या 177/19 में धारा 147, 148, 149, 341, 435, 387, 379 भा.द.वि. तथा 17(1), 17(2) सी.एल.ए. एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया था। कांड के अनुसंधान के दौरान पूर्व में भी कई आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजा जा चुका है, जबकि कुछ आरोपी लंबे समय से फरार चल रहे थे।

कांड की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक, हजारीबाग द्वारा फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। इसके बाद पुलिस उपाधीक्षक मुख्यालय, हजारीबाग के निर्देशन में एक विशेष टीम का गठन किया गया। गठित टीम ने बीती रात कार्रवाई करते हुए कांड में शामिल दो फरार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार आरोपियों में बलवंत जी उर्फ छोटू कुमार, पिता नंदू यादव, ग्राम पचमु, थाना हंटरगंज, जिला चतरा तथा गिरेंद्र, पिता लालधारी साह, ग्राम दुआरी, थाना गिद्धौर, जिला चतरा शामिल हैं। पुलिस की प्रेस विज्ञप्ति में बलवंत जी उर्फ छोटू कुमार को टीपीसी का एरिया कमांडर बताया गया है।

पुलिस विज्ञप्ति के अनुसार, बलवंत जी उर्फ छोटू कुमार के खिलाफ कटकमसांडी, गिद्धौर, इटखोरी, पथलगड्डा, सिमरिया, मयूरहंड और बालूमाथ थाना में कई मामले दर्ज हैं। वहीं, गिरेंद्र के आपराधिक इतिहास में भी टंडवा, चतरा सदर और गिद्धौर थाना से संबंधित कई कांडों का उल्लेख किया गया है।

गिरफ्तारी अभियान में कटकमसांडी थाना प्रभारी पुलिस अवर निरीक्षक अनुपम प्रकाश, पुलिस अवर निरीक्षक बिरजा कुजूर, आरक्षी राम स्वरूप दांगी, आरक्षी थानेश्वर रविदास एवं चालक नंदलाल कुमार शामिल थे।

भारी बारिश से प्रयागराज के कई मोहल्लों में जलभराव,पम्प लगाकर निकालने में जुटा नगर निगम

प्रयागराज। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले भारी बारिश के चलते कई मोहल्लों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो गई है। हाईकोर्ट के संज्ञान में लेने के बाद नगर निगम एवं प्रशासनिक अधिकारी जल निकासी कराने में जुटे हुए हैं। प्रयागराज नगर निगम जार्जटाउन के अधिकारी और सोहबतियाबाग में तीन पम्प लगाकर सीवर लावइन के माध्यम से शहर से बाहर निकलवाने में जुटा हुए हैं। महापौर गणेश केसरवानी का कहना है कि भारी बारिश के चलते जल भराव की समस्या उत्पन्न हुई है। हमने कई स्थानों पर निरीक्षण किया और जहां भी समस्या उत्पन्न हुई वहां तत्काल सफाई और जल निकासी के लिए निर्देश दिया है।

प्रयागराज के जार्जटाउन, टैगोर टाउन, सोहबतियाबाग,बैरहना, रामबाग, करेली सहित कई मोहल्लों में जलभराव की स्थिति बन गई है। प्रदेश में बुधवार से 23 अगस्त तक पश्चिमी और पूर्वी उप्र में अलग अलग स्थानों पर बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है। इस दौरान कई जगह गरज-चमक के साथ बौछारें भी पड़ सकती हैं। यह पूर्वानुमान बुधवार को भारत मौसम विज्ञान विभाग ने जारी किया है।

मुख्य रूप से 20 अगस्त को पूर्वी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई है। चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (सीएसए), कानपुर के मौसम वैज्ञानिक डॉ. एसएन सुनील पांडेय का कहना है कि प्रदेश में मानसूनी गतिविधियां अभी सक्रिय हैं। उन्होंने बताया कि 19 अगस्त को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी कुछ स्थानों पर वर्षा के आसार हैं।

20 अगस्त को बढ़ेगी बारिश की गतिविधि

डॉ. सुनील पांडेय के अनुसार 20 अगस्त को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर बारिश होने की संभावना है, जबकि पूर्वी उत्तर प्रदेश में अनेक स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। इस दौरान कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा होने की संभावना है। इसके बाद 21 और 22 अगस्त को पश्चिमी तथा पूर्वी उत्तर प्रदेश में अनेक स्थानों पर बारिश हो सकती है। 23 अगस्त को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर और पूर्वी उत्तर प्रदेश में लगभग सभी स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना बनी हुई है।

भारी बारिश वाले क्षेत्रों में सतर्कता जरूरी

मौसम वैज्ञानिक ने बताया कि बारिश के दौरान कई स्थानों पर बादलों की तेज गर्जना और बिजली चमकने की स्थिति बन सकती है। ऐसे मौसम में लोगों को खुले मैदान में जाने से बचना चाहिए। पेड़, बिजली के खंभे और अन्य ऊंचे स्थानों के नीचे खड़े होने से भी बचना जरूरी है। किसानों को खेतों में काम करते समय मौसम के बदलाव पर नजर रखने की सलाह दी गई है।

उन्होंने कहा कि लगातार बारिश से तापमान में गिरावट आने और उमस से राहत मिलने की संभावना है। हालांकि अधिक बारिश वाले क्षेत्रों में जलभराव की समस्या उत्पन्न हो सकती है। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने और अनावश्यक रूप से जलभराव वाले स्थानों पर जाने से बचने की सलाह दी गई है।

किसानों के लिए सलाह

डॉ. पांडेय ने किसानों से मौसम विभाग के पूर्वानुमान पर नजर रखने को कहा है। खेतों में काम करते समय यदि बादल गरजने या बिजली चमकने लगे तो सुरक्षित स्थान पर चले जाना चाहिए। बारिश के कारण खेतों में पानी भरने की स्थिति में फसलों की नियमित निगरानी करना भी जरूरी है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार अगले कुछ दिनों में पूर्वी उत्तर प्रदेश में बारिश की गतिविधियां अधिक सक्रिय रह सकती हैं। इसलिए प्रशासन, किसानों और आम लोगों को स्थानीय मौसम चेतावनियों पर लगातार नजर रखने की जरूरत है।
शाकिर फरीदी के स्वागत में दिखा सपा का दम, प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल के पहुंचते ही गूंजे नारे

2027 को लेकर बोले- हस्तिनापुर में खिलेगा सपा का परचम

बहसूमा। समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष श्री श्याम लाल पाल एवं मेरठ जिला अध्यक्ष कर्मवीर सिंह गुमी के बहसूमा आगमन पर पूर्व नगर अध्यक्ष मौ. शाकिर फरीदी के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने जोरदार स्वागत किया। फूल-मालाओं के साथ हुए स्वागत कार्यक्रम में कार्यकर्ताओं में खासा उत्साह देखने को मिला। इस दौरान सपा के समर्थन में जमकर नारेबाजी हुई और आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर कार्यकर्ताओं ने अपनी तैयारियों का संदेश दिया।

पूर्व नगर अध्यक्ष मौ. शाकिर फरीदी ने कहा कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में हस्तिनापुर विधानसभा सीट से टिकट किसी भी कार्यकर्ता को मिले, लेकिन चुनाव समाजवादी पार्टी के सिंबल पर ही लड़ा जाएगा। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं का लक्ष्य पार्टी को मजबूत करना और राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाना है।

फरीदी ने कहा कि आने वाला विधानसभा चुनाव संगठन की एकजुटता और कार्यकर्ताओं की मेहनत का चुनाव होगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से गांव-गांव और बूथ स्तर तक पहुंचकर पार्टी की नीतियों को जनता तक पहुंचाने का आह्वान किया।

स्वागत के दौरान कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल रहा। प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल और जिला अध्यक्ष कर्मवीर सिंह गुमी ने कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ाते हुए संगठन को मजबूत करने पर जोर दिया।

इस मौके पर जावेद अली, इकबाल सैफी, पूर्व सभासद झुन्नूरेन, पिंटू फरीदी, किसान नेता शुभम लांबा, दानिश अल्वी, अब्दुल्ला, मोहम्मद रफी सलमानी, मोहसिन खान, जैद फरीदी, अनीष हसन, नईयार मूसा, ज्ञानेंद्र प्रधान, दानिश गानी, एडवोकेट हैदर अली सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एवं समर्थक मौजूद रहे।
डॉ. भोला सिंह को भाजपा का राष्ट्रीय सचिव बनाए जाने पर भव्य स्वागत
खुर्जा। बुलंदशहर के लोकप्रिय सांसद एवं वरिष्ठ भाजपा नेता डॉ. भोला सिंह को भारतीय जनता पार्टी का राष्ट्रीय सचिव बनाए जाने पर पार्टी कार्यकर्ताओं एवं समर्थकों में हर्ष की लहर है। इसी क्रम में भारतीय जनता पार्टी, विधानसभा खुर्जा-70 की ओर से मुकेश कुमार मासूम ने दिल्ली स्थित डॉ. भोला सिंह के आवास पर पहुंचकर उनका आत्मीय स्वागत एवं अभिनंदन किया। मुकेश कुमार मासूम ने डॉ. भोला सिंह को तिरंगा पटका पहनाकर तथा पुष्पगुच्छ भेंट कर नई जिम्मेदारी के लिए हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर उन्होंने अपनी लिखी पुस्तक “योगी आदित्यनाथ - अध्यात्म और राजनीति के आकाश पर चमकता हुआ सितारा” भी डॉ. भोला सिंह को भेंट की। इस अवसर पर बॉलीवुड के निर्माता-निर्देशक कैलाश कुमार मासूम, प्रकाश जायसवाल एवं कैलाश भागमल गौतम ने भी डॉ. भोला सिंह का स्वागत करते हुए उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिलने पर बधाई दी। मुलाकात के दौरान डॉ. भोला सिंह ने आत्मीयता के साथ सभी का अभिनंदन स्वीकार किया तथा विभिन्न सामाजिक, राजनीतिक एवं जनहित के विषयों पर अपना अमूल्य मार्गदर्शन प्रदान किया। उन्होंने संगठन को मजबूत करने, जनता के बीच सक्रियता बढ़ाने तथा राष्ट्रहित एवं जनसेवा के कार्यों को प्राथमिकता देने पर विशेष जोर दिया। मुकेश कुमार मासूम ने कहा कि डॉ. भोला सिंह को भाजपा के राष्ट्रीय सचिव जैसी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिलना न केवल बुलंदशहर, बल्कि पूरे पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लिए गौरव का विषय है। उनके अनुभव, संगठनात्मक क्षमता और जनसेवा की भावना से पार्टी को राष्ट्रीय स्तर पर और अधिक मजबूती मिलेगी।
Sambhal शानो-शौकत से निकला जुलूस-ए-मोहम्मदी, ‘या रसूल अल्लाह’ की सदाओं से गूंजा सम्भल
जश्ने ईद मिलादुन्नबी के मुबारक मौके पर मदरसा अहले सुन्नत अजमल उल उलूम के तत्वावधान में जुलूस-ए-मौहम्मदी शानो-शौकत, अकीदत और उत्साह के साथ निकाला गया। जुलूस के दौरान पूरा शहर ‘या रसूल अल्लाह’ की सदाओं, नात-ए-पाक और दरूदो-सलाम से गूंजता रहा। बड़ी संख्या में अकीदतमंद हाथों में इस्लामी झंडे लेकर जुलूस में शामिल हुए।

जुलूस मदरसे से शुरू होकर अन्जुमन मदरसा, मौहल्ला दीपा सराय, तिलंगो वाली मस्जिद और पेपटपुरा होते हुए दीपा सराय चौक पहुंचा, जहां जुलूस का समापन हुआ और तकरीर का आयोजन किया गया। चमन सराय-जगत से निकला जुलूस मियां मीरन शाह रोड, दरीबा और आर्य समाज रोड होते हुए मुख्य जुलूस में शामिल हुआ। वहीं देहली दरवाजा से निकला जुलूस मुख्य बाजार, चक्की का पाट, टंडन तिराहा, कोतवाली के सामने और आर्य समाज रोड से मुख्य जुलूस में पहुंचा। मौहल्ला रायसत्ती से निकला जुलूस बल्ले की पुलिया होते हुए खग्गू सराय तिराहा पहुंचा, जबकि डेरासराय से निकला जुलूस होली चौक, कटरा बाजार, एजेंटी तिराहा और आर्य समाज रोड होते हुए मुख्य जुलूस में शामिल हुआ। इसके अलावा विभिन्न मौहल्लों और गांवों से निकले छोटे-छोटे जुलूस भी मुख्य जुलूस का हिस्सा बने। जुलूस में विभिन्न नक्शे और झांकियां आकर्षण का केंद्र रहीं। बच्चों ने सोशल मीडिया की बढ़ती लत से दूर रहकर कुरआन मजीद से जुड़ने का संदेश देने वाला नक्शा प्रस्तुत किया। रास्ते भर जगह-जगह लंगर और पानी की व्यवस्था की गई। लोगों ने फूल बरसाकर जुलूस का स्वागत किया और अकीदतमंदों की खिदमत की। दीपा सराय चौक पर जुलूस संपन्न होने के बाद लोगों को तबर्रुकात की जियारत कराई गई। इस दौरान मुल्क और शहर में अमन-ओ-अमान की दुआ की गई। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। जुलूस के मार्ग पर सिटी मजिस्ट्रेट, एसडीएम, सीओ पर्याप्त पुलिस बल के साथ तैनात रहे और प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों ने लगातार सुरक्षा व्यवस्था पर नजर बनाए रखी।
Sambhal शानो-शौकत से निकला जुलूस-ए-मोहम्मदी, ‘या रसूल अल्लाह’ की सदाओं से गूंजा सम्भल
जश्ने ईद मिलादुन्नबी के मुबारक मौके पर मदरसा अहले सुन्नत अजमल उल उलूम के तत्वावधान में जुलूस-ए-मौहम्मदी शानो-शौकत, अकीदत और उत्साह के साथ निकाला गया। जुलूस के दौरान पूरा शहर ‘या रसूल अल्लाह’ की सदाओं, नात-ए-पाक और दरूदो-सलाम से गूंजता रहा। बड़ी संख्या में अकीदतमंद हाथों में इस्लामी झंडे लेकर जुलूस में शामिल हुए।

जुलूस मदरसे से शुरू होकर अन्जुमन मदरसा, मौहल्ला दीपा सराय, तिलंगो वाली मस्जिद और पेपटपुरा होते हुए दीपा सराय चौक पहुंचा, जहां जुलूस का समापन हुआ और तकरीर का आयोजन किया गया। चमन सराय-जगत से निकला जुलूस मियां मीरन शाह रोड, दरीबा और आर्य समाज रोड होते हुए मुख्य जुलूस में शामिल हुआ। वहीं देहली दरवाजा से निकला जुलूस मुख्य बाजार, चक्की का पाट, टंडन तिराहा, कोतवाली के सामने और आर्य समाज रोड से मुख्य जुलूस में पहुंचा। मौहल्ला रायसत्ती से निकला जुलूस बल्ले की पुलिया होते हुए खग्गू सराय तिराहा पहुंचा, जबकि डेरासराय से निकला जुलूस होली चौक, कटरा बाजार, एजेंटी तिराहा और आर्य समाज रोड होते हुए मुख्य जुलूस में शामिल हुआ। इसके अलावा विभिन्न मौहल्लों और गांवों से निकले छोटे-छोटे जुलूस भी मुख्य जुलूस का हिस्सा बने। जुलूस में विभिन्न नक्शे और झांकियां आकर्षण का केंद्र रहीं। बच्चों ने सोशल मीडिया की बढ़ती लत से दूर रहकर कुरआन मजीद से जुड़ने का संदेश देने वाला नक्शा प्रस्तुत किया। रास्ते भर जगह-जगह लंगर और पानी की व्यवस्था की गई। लोगों ने फूल बरसाकर जुलूस का स्वागत किया और अकीदतमंदों की खिदमत की। दीपा सराय चौक पर जुलूस संपन्न होने के बाद लोगों को तबर्रुकात की जियारत कराई गई। इस दौरान मुल्क और शहर में अमन-ओ-अमान की दुआ की गई। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। जुलूस के मार्ग पर सिटी मजिस्ट्रेट, एसडीएम, सीओ पर्याप्त पुलिस बल के साथ तैनात रहे और प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों ने लगातार सुरक्षा व्यवस्था पर नजर बनाए रखी।
भाजपा का बयान हताशा और राजनीतिक दिवालियेपन की पराकाष्ठा : विनोद कुमार पांडेय

झारखंड मुक्ति मोर्चा के केंद्रीय महासचिव विनोद कुमार पांडेय ने भाजपा प्रदेश मुख्य प्रवक्ता के बयान पर कड़ा पलटवार करते हुए कहा कि जिन लोगों ने लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करने और विपक्षी आवाजों को दबाने की राजनीति को देशभर में स्थापित किया, उन्हें झारखंड की लोकतांत्रिक सरकार को नसीहत देने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है।

विनोद पांडेय ने कहा कि झारखंड सरकार की तुलना इतिहास की गंभीर त्रासदियों से करना न सिर्फ राजनीतिक दुरुपयोग है, बल्कि भाजपा की बौखलाहट और राजनीतिक कुंठा को भी दर्शाता है। भाजपा को चाहिए कि वह ऐसे अमर्यादित और गैर-जिम्मेदाराना बयानों के बजाय जनता के वास्तविक मुद्दों पर बात करे।

उन्होंने कहा कि धरना-प्रदर्शन, कानून-व्यवस्था और सोशल मीडिया से जुड़े नियमों को तोड़-मरोड़कर पेश करना भाजपा की पुरानी राजनीतिक शैली है। अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता संविधान प्रदत्त अधिकार है, लेकिन कोई भी अधिकार कानून से ऊपर नहीं है। सरकार का दायित्व है कि लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के साथ-साथ कानून-व्यवस्था भी सुनिश्चित करे। प्रशासनिक प्रक्रिया को राजनीतिक दमन बताना पूरी तरह भ्रामक है।

विनोद पांडेय ने कहा कि भाजपा नेताओं को पहले अपने शासन वाले राज्यों में लोकतांत्रिक अधिकारों, छात्रों, किसानों और विपक्षी नेताओं के साथ हुए व्यवहार का हिसाब देना चाहिए। दूसरों को लोकतंत्र का प्रमाणपत्र बांटने से पहले भाजपा अपने राजनीतिक इतिहास के पन्ने पलट ले।

जेपीएससी पर भाजपा की राजनीति तथ्यहीन और अवसरवादी

जेपीएससी मामले पर भाजपा के आरोपों पर विनोद पांडेय ने कहा कि न्यायपालिका में सरकार की ओर से कौन अधिवक्ता किस स्तर पर पैरवी करेगा, यह पूरी तरह विधिक प्रक्रिया और सरकार के अधिवक्ताओं का विषय है। इसे राजनीतिक षड्यंत्र का रंग देना न्यायिक प्रक्रिया पर अनावश्यक सवाल खड़े करने की कोशिश है।

उन्होंने कहा कि अगर भाजपा के पास जेपीएससी मामले में कोई ठोस तथ्य, दस्तावेज या कानूनी आपत्ति है, तो उसे सक्षम न्यायालय के समक्ष रखना चाहिए, न कि प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए भ्रम फैलाना चाहिए। विद्यार्थियों के हितों के नाम पर राजनीति करने के बजाय भाजपा को यह बताना चाहिए कि उसने उनके भविष्य को लेकर अपने शासनकाल में क्या ठोस कदम उठाए थे।

विनोद पांडेय ने कहा कि हेमंत सोरेन सरकार युवाओं, विद्यार्थियों और आम जनता के हितों के प्रति प्रतिबद्ध है। भाजपा की परेशानी यह है कि झारखंड की जनता अब उसकी राजनीतिक बयानबाजी और झूठे नैरेटिव के बजाय विकास, अधिकार और सामाजिक न्याय की राजनीति को समझ रही है।

उन्होंने भाजपा को नसीहत देते हुए कहा कि राजनीतिक विरोध लोकतंत्र का हिस्सा है, लेकिन लोकतांत्रिक विरोध और तथ्यहीन आरोपों के बीच की मर्यादा नहीं टूटनी चाहिए। भाजपा नेताओं को अपनी भाषा और तथ्यों दोनों पर संयम रखना चाहिए। झारखंड की जनता को नाजी जर्मनी जैसे भयावह ऐतिहासिक संदर्भों से डराने के बजाय भाजपा अपनी नीतियों और अपने काम का हिसाब दे।

उन्होंने कहा कि भाजपा पड़ोस में महाराष्ट्र में अपनी सरकार के नए फरमान के बारे में जानकारी हासिल कर लें जिसमें कहा गया है कि मराठी नहीं आता - तो चालान कटेगा - महाराष्ट्र में रोजी रोजगार नहीं करने दिया जाएगा। झारखंड समेत अन्य राज्य के निवासी को महाराष्ट्र में अब गाड़ी चलाने के लिए सिर्फ लाइसेंस और परमिट काफी नहीं - मराठी का टेस्ट भी पास करना होगा। पूरा मराठी आना होगा। भाजपा की अब अपनी राजनीति चमकाने के लिए भाषा को भी डर और दंड का औजार बना दिया है। हिंदी का सम्मान कहां गया ? कल तक “एक देश, एक भाषा” की बातें, और आज रोज़गार के लिए आए आम आदमी से भाषा की परीक्षा? भाजपा बताए - क्या अब देश के हर राज्य में रोज़गार करने के लिए पहले वहाँ की भाषा की परीक्षा होगी? भाजपा पूरे देश को टुकड़ों में बाँटने की घृणित राजनीति कर रही है।

मेघाश्रेय ने देश की विशिष्ट विभूतियों को दिया सर्वोत्तम नागरिक सम्मान
मुंबई। सर्वोत्तम या आदर्श नागरिक वह व्यक्ति है जो देश के कानूनों का पालन करता है, अपने अधिकारों के साथ कर्तव्यों को समझता है, समाज की भलाई में योगदान देता है, और देश की एकता व अखंडता का सम्मान करता है। देश की अग्रणी सामाजिक संस्था मेघाश्रेय द्वारा आज मुंबई के लोअर परेल स्थित द सेंट रेजिस होटल में आयोजित भव्य समारोह में देश की विशिष्ट विभूतियों को सर्वोत्तम नागरिक सम्मान 2026 प्रदान किया गया।  समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में महाराष्ट्र के राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा, कैबिनेट मंत्री एडवोकेट आशीष शेलार, आरएसएस के अखिल भारतीय संपर्क प्रमुख रामलाल उपस्थित रहे। अलग-अलग क्षेत्रों में प्रेरणादायक कार्य करने वाली जिन विभूतियां को सर्वोत्तम नागरिक सम्मान 2026 प्रदान किया गया उनमें सांसद एवं फिल्म अभिनेता रवि किशन, प्रख्यात कथावाचिका जया किशोरी, पद्मश्री हरिहरन, फिल्म निर्माता सुभाष घई,परमवीर चक्र विजेता योगेंद्र यादव, पदमश्री अशोक लक्ष्मण श्रॉफ, फिल्म अभिनेत्री भूमि पेडणेकर, पदमश्री संजीव कपूर, सुजय जयराज, अभिमन्यु सिंह, अभिषेक सिंह, अहमद खान, सलीम मर्चेंट, जयेशराज भालचंद्र जोशी ,जलील डी पार्कर, लक्ष्मी अग्रवाल, केदार नारायन जोशी, देवांश धनगर का समावेश रहा । इस अवसर पर महाराष्ट्र के महामहिम राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा ने मेघाश्रेय संस्था की अध्यक्ष सीमा सिंह की सराहना करते हुए कहा कि सीमा सिंह ने जो सर्वोत्तम नागरिक सम्मान आज इन विभूतियों को दी है, यह बहुत सराहनीय है।  इतनी खूबसूरत सोच के साथ, पूरे देश से करोड़ों लोगों में 10-20 लोगों को चुनना बहुत ही कठिन चीज है। ऐसे में सीमा सिंह ने जिन विभूतियों को चुना है वह भारत के लिए अलग-अलग क्षेत्र में एक सराहनीय कार्य किए हैं। देश के लिए शानदार योगदान दिए हैं, ऐसे लोग के देश के प्रति रग रग में जोश, देश के प्रति प्यार से ही आज हमारा देश पूरे विश्व में अपना परचम लहरा रहा है। राज्यपाल वर्मा ने कहा कि बहुत संघर्ष परिश्रम करने के बाद कही किसी को इस तरह के बड़े सम्मान से नवाजा जाता है। आप सब धन्य हो हमारे देश के प्रधानमंत्री देश के लिए सराहनीय कार्य कर रहे हैं। देश के प्रधानमंत्री के कार्य का पूरे विश्व में चर्चा होती  है।  इस सुंदर कार्यक्रम के लिए सीमा सिंह व उनके परिवार को गवर्नर ने बधाई दी। इस मौके पर संस्था की संस्थापिका सीमा सिंह के सुपुत्र श्रेयस सिंह तथा सुपुत्री मेघना सिंह ने महाराष्ट्र के गवर्नर जिष्णु देव वर्मा को शॉल, श्रीफल तथा पुष्प गुच्छ देकर संस्था की तरफ से स्वागत सम्मान किया। इस मौके पर हजारों की संख्या में, अलग-अलग क्षेत्रों तथा अलग-अलग प्रांतों से लोग उपस्थित थे।
भाजपा नेताओं को छात्रों के कंधे पर बंदूक रखकर राजनीति करने की आदत छोड़ देनी चाहिए : विनोद पांडेय

झारखंड मुक्ति मोर्चा के महासचिव विनोद पांडेय ने भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी के बयान पर तीखा पलटवार करते हुए कहा कि भाजपा नेताओं को छात्रों के मुद्दों की आड़ में अपनी राजनीतिक जमीन तलाशने की कोशिश बंद करनी चाहिए। उन्होंने भाजपा पर व्यंग करते कहा कि जो लोग सत्ता में रहते हुए युवाओं और छात्रों के सवालों का समाधान नहीं कर पाए, वे आज छात्रों के पीछे खड़े होकर राजनीतिक ड्रामा कर रहे हैं। जबकि हकीकत अब पूरा देश जान चुका है कि माननीय मुख्यमंत्री ने छात्रों की सभी मांगों को मान लिया है, छात्र अपने घर लौट चुके हैं और 25 अगस्त को प्रस्तावित कैबिनेट बैठक में कई और महत्वपूर्ण निर्णय सरकार छात्र हित में लेने जा रही है।

विनोद पांडेय ने कहा कि भाजपा नेताओं की राजनीति अब इतनी कमजोर हो चुकी है कि उन्हें अपनी राजनीतिक लड़ाई लड़ने के लिए छात्रों को आगे करना पड़ रहा है। छात्र-युवा पढ़ाई, रोजगार और अपने भविष्य को लेकर संघर्ष करें, यह उनका लोकतांत्रिक अधिकार है, लेकिन उनके आंदोलनों को राजनीतिक स्वार्थ के लिए इस्तेमाल करना भाजपा की पुरानी कार्यशैली रही है।

उन्होंने कहा कि भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी बताएं कि यदि उन्हें वास्तव में छात्रों की चिंता है तो वे छात्रों के बीच जाकर उनके मुद्दों पर सकारात्मक संवाद क्यों नहीं करते? हर प्रशासनिक कार्रवाई को राजनीतिक दमन बताकर माहौल गरमाना और फिर थाने पहुंचकर राजनीतिक प्रदर्शन करना समस्या का समाधान नहीं, बल्कि छात्रों के कंधे पर बंदूक रखकर राजनीति करना है।

झामुमो महासचिव ने कहा कि कानून अपना काम करेगा और किसी भी मामले में पुलिस को कानून के दायरे में ही कार्रवाई करनी चाहिए। लेकिन किसी व्यक्ति पर कार्रवाई को लेकर बिना पूरी जानकारी के पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाना और उसे राजनीतिक रंग देना जिम्मेदार विपक्ष की भूमिका नहीं है। भाजपा को कानून और लोकतंत्र की दुहाई देने से पहले अपने राजनीतिक आचरण का आईना देखना चाहिए।

उन्होंने कहा कि भाजपा नेता लगातार ऐसी भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं, जिससे छात्रों और युवाओं के बीच भ्रम और टकराव की स्थिति पैदा हो। लोकतंत्र में विरोध का अधिकार है, लेकिन विरोध के नाम पर कानून हाथ में लेने या राजनीतिक उकसावे की राजनीति को जायज नहीं ठहराया जा सकता।

विनोद पांडेय ने कहा कि भाजपा की परेशानी यह है कि झारखंड की जनता ने उसकी राजनीति को नकार दिया है। अब कभी छात्रों के नाम पर, कभी युवाओं के नाम पर और कभी कानून-व्यवस्था के नाम पर भाजपा अपनी राजनीतिक प्रासंगिकता बनाए रखने की कोशिश कर रही है। जनता सब देख रही है और समझ रही है कि कौन छात्रों के भविष्य की चिंता कर रहा है और कौन उनके मुद्दों को अपनी राजनीति का ईंधन बना रहा है।

उन्होंने बाबूलाल मरांडी से सवाल किया कि यदि भाजपा को सचमुच छात्रों की इतनी चिंता है तो वह यह बताए कि केंद्र की भाजपा सरकार के कार्यकाल में युवाओं के रोजगार और प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े सवालों पर उसने क्या ठोस कदम उठाए? सिर्फ थाने में दो घंटे बैठ जाने से छात्र हितैषी होने का प्रमाणपत्र नहीं मिल जाता।

विनोद पांडेय ने कहा कि झामुमो छात्रों और युवाओं के लोकतांत्रिक अधिकारों का सम्मान करता है, लेकिन किसी भी आंदोलन को राजनीतिक हथियार बनाने की कोशिश का विरोध करेगा। भाजपा नेताओं को सलाह है कि छात्रों को आगे करके अपनी राजनीति चमकाने के बजाय खुद मैदान में उतरें और जनता के सवालों का सामना करें।

उन्होंने कहा भाजपा नेताओं को यह समझ लेना चाहिए कि छात्रों के कंधे पर बंदूक रखकर झामुमो से राजनीतिक लड़ाई नहीं लड़ी जा सकती। जनता के बीच जाकर लड़ना है तो भाजपा नेता खुद मैदान में उतरें।

भाइयों की कलाइयों से ऑनलाइन बाजार तक छाया स्वयं सहायता समूह की महिलाओं का हुनर

-  5 हजार स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं तैयार कर रहीं आकर्षक राखियां, ई-सरस समेत ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर बढ़ी मांग

लखनऊ। इस रक्षाबंधन उत्तर प्रदेश की स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी ग्रामीण महिलाओं के हुनर की चमक भाइयों की कलाइयों के साथ-साथ ऑनलाइन बाजार में भी दिखाई देगी। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के निर्देशों के क्रम में उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन से जुड़ी करीब 5,000 स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं आकर्षक, पारंपरिक और आधुनिक डिजाइनों की हस्तनिर्मित राखियां तैयार कर रही हैं।
प्रयागराज, वाराणसी, बागपत, बुलंदशहर, लखीमपुर खीरी, गोरखपुर, उन्नाव, शामली, जौनपुर और मिर्जापुर समेत प्रदेश के लगभग सभी जिलों में महिलाएं राखी निर्माण में जुटी हैं। स्थानीय कला, पारंपरिक शिल्प और नवीन डिजाइनों से तैयार इन राखियों की बाजार में अच्छी मांग है। खास बात यह है कि अब इन उत्पादों को स्थानीय बाजारों के साथ-साथ ई-सरस और विभिन्न ई-कॉमर्स एवं डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए भी ग्राहकों तक पहुंचाया जा रहा है।
उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों की दीदियों द्वारा राखी निर्माण से उनकी आय में वृद्धि के साथ ग्रामीण संस्कृति, भारतीय परंपरा और महिलाओं की सृजनात्मकता को भी बढ़ावा मिलेगा। यह पहल सरकार के ‘लोकल फॉर लोकल’ के संकल्प को गति देने के साथ महिला उद्यमिता और आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

- फर्रुखाबाद और नोएडा की राखियों की ऑनलाइन मांग
मिशन निदेशक अरुण कुमार ने बताया कि उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों को व्यापक बाजार उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दे रहा है। ई-सरस सहित विभिन्न ई-कॉमर्स और डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से महिलाओं के उत्पादों को देशभर के ग्राहकों तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि विशेष रूप से फर्रुखाबाद और नोएडा के स्वयं सहायता समूहों द्वारा तैयार राखियों की ई-सरस पर लगातार अच्छी मांग मिल रही है। इससे ग्रामीण महिलाओं को स्थानीय बाजार की सीमाओं से बाहर निकलकर नए ग्राहकों तक पहुंचने का अवसर मिल रहा है।

- उत्पादन से ब्रांडिंग तक बढ़ रही भागीदारी
वाराणसी, प्रयागराज, गोरखपुर, मिर्जापुर, अयोध्या, बाराबंकी, सीतापुर, कानपुर, आगरा, बरेली, झांसी, फर्रुखाबाद और नोएडा समेत कई जिलों की महिलाएं राखी निर्माण में सक्रिय हैं। इन राखियों में स्थानीय कला और पारंपरिक शिल्प के साथ महिलाओं की रचनात्मकता की झलक दिखाई दे रही है।
डिजिटल बाजार से जुड़ने के कारण महिलाओं के उत्पाद अब स्थानीय सीमाओं से बाहर व्यापक उपभोक्ता वर्ग तक पहुंच रहे हैं। ऑनलाइन बिक्री के माध्यम से उन्हें नए ग्राहक बनाने, उत्पाद की ब्रांडिंग और पैकेजिंग बेहतर करने तथा बाजार की मांग के अनुरूप उत्पादन करने का अनुभव भी मिल रहा है।
रक्षाबंधन जैसे त्योहार स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं के लिए अपने हुनर को आय और उद्यमिता में बदलने का अवसर बन रहे हैं। राखियों की बढ़ती मांग इस बात का संकेत है कि ग्रामीण महिलाओं के गुणवत्तापूर्ण उत्पादों में बड़े बाजार तक पहुंचने की क्षमता है।
राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन द्वारा समूहों के उत्पादों को ई-सरस, ई-कॉमर्स और अन्य डिजिटल प्लेटफॉर्म के साथ-साथ ऑफलाइन बाजारों से जोड़ने के प्रयास जारी हैं। इससे महिलाओं को उत्पादन से लेकर पैकेजिंग, ब्रांडिंग और विपणन तक पूरी प्रक्रिया में आगे बढ़ने और अपने छोटे उद्यमों को विस्तार देने का अवसर मिल रहा है।
इस रक्षाबंधन स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं के हाथों से तैयार राखियां भाई-बहन के प्रेम का प्रतीक बनने के साथ ग्रामीण महिला सशक्तीकरण, आत्मनिर्भरता और उद्यमिता की कहानी भी कहेंगी।
कटकमसांडी थाना कांड में लंबे समय से फरार दो आरोपी गिरफ्तार

हजारीबाग पुलिस ने कटकमसांडी थाना कांड संख्या 177/19 में लंबे समय से फरार चल रहे दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक कार्यालय, हजारीबाग की ओर से 20 अगस्त 2026 को जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, यह कांड कटकमसांडी रेलवे साइडिंग में आगजनी एवं हाईवा वाहन में आग लगाने की घटना से संबंधित है।

पुलिस के अनुसार, कांड संख्या 177/19 में धारा 147, 148, 149, 341, 435, 387, 379 भा.द.वि. तथा 17(1), 17(2) सी.एल.ए. एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया था। कांड के अनुसंधान के दौरान पूर्व में भी कई आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजा जा चुका है, जबकि कुछ आरोपी लंबे समय से फरार चल रहे थे।

कांड की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक, हजारीबाग द्वारा फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। इसके बाद पुलिस उपाधीक्षक मुख्यालय, हजारीबाग के निर्देशन में एक विशेष टीम का गठन किया गया। गठित टीम ने बीती रात कार्रवाई करते हुए कांड में शामिल दो फरार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार आरोपियों में बलवंत जी उर्फ छोटू कुमार, पिता नंदू यादव, ग्राम पचमु, थाना हंटरगंज, जिला चतरा तथा गिरेंद्र, पिता लालधारी साह, ग्राम दुआरी, थाना गिद्धौर, जिला चतरा शामिल हैं। पुलिस की प्रेस विज्ञप्ति में बलवंत जी उर्फ छोटू कुमार को टीपीसी का एरिया कमांडर बताया गया है।

पुलिस विज्ञप्ति के अनुसार, बलवंत जी उर्फ छोटू कुमार के खिलाफ कटकमसांडी, गिद्धौर, इटखोरी, पथलगड्डा, सिमरिया, मयूरहंड और बालूमाथ थाना में कई मामले दर्ज हैं। वहीं, गिरेंद्र के आपराधिक इतिहास में भी टंडवा, चतरा सदर और गिद्धौर थाना से संबंधित कई कांडों का उल्लेख किया गया है।

गिरफ्तारी अभियान में कटकमसांडी थाना प्रभारी पुलिस अवर निरीक्षक अनुपम प्रकाश, पुलिस अवर निरीक्षक बिरजा कुजूर, आरक्षी राम स्वरूप दांगी, आरक्षी थानेश्वर रविदास एवं चालक नंदलाल कुमार शामिल थे।

भारी बारिश से प्रयागराज के कई मोहल्लों में जलभराव,पम्प लगाकर निकालने में जुटा नगर निगम

प्रयागराज। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले भारी बारिश के चलते कई मोहल्लों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो गई है। हाईकोर्ट के संज्ञान में लेने के बाद नगर निगम एवं प्रशासनिक अधिकारी जल निकासी कराने में जुटे हुए हैं। प्रयागराज नगर निगम जार्जटाउन के अधिकारी और सोहबतियाबाग में तीन पम्प लगाकर सीवर लावइन के माध्यम से शहर से बाहर निकलवाने में जुटा हुए हैं। महापौर गणेश केसरवानी का कहना है कि भारी बारिश के चलते जल भराव की समस्या उत्पन्न हुई है। हमने कई स्थानों पर निरीक्षण किया और जहां भी समस्या उत्पन्न हुई वहां तत्काल सफाई और जल निकासी के लिए निर्देश दिया है।

प्रयागराज के जार्जटाउन, टैगोर टाउन, सोहबतियाबाग,बैरहना, रामबाग, करेली सहित कई मोहल्लों में जलभराव की स्थिति बन गई है। प्रदेश में बुधवार से 23 अगस्त तक पश्चिमी और पूर्वी उप्र में अलग अलग स्थानों पर बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है। इस दौरान कई जगह गरज-चमक के साथ बौछारें भी पड़ सकती हैं। यह पूर्वानुमान बुधवार को भारत मौसम विज्ञान विभाग ने जारी किया है।

मुख्य रूप से 20 अगस्त को पूर्वी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई है। चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (सीएसए), कानपुर के मौसम वैज्ञानिक डॉ. एसएन सुनील पांडेय का कहना है कि प्रदेश में मानसूनी गतिविधियां अभी सक्रिय हैं। उन्होंने बताया कि 19 अगस्त को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी कुछ स्थानों पर वर्षा के आसार हैं।

20 अगस्त को बढ़ेगी बारिश की गतिविधि

डॉ. सुनील पांडेय के अनुसार 20 अगस्त को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर बारिश होने की संभावना है, जबकि पूर्वी उत्तर प्रदेश में अनेक स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। इस दौरान कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा होने की संभावना है। इसके बाद 21 और 22 अगस्त को पश्चिमी तथा पूर्वी उत्तर प्रदेश में अनेक स्थानों पर बारिश हो सकती है। 23 अगस्त को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर और पूर्वी उत्तर प्रदेश में लगभग सभी स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना बनी हुई है।

भारी बारिश वाले क्षेत्रों में सतर्कता जरूरी

मौसम वैज्ञानिक ने बताया कि बारिश के दौरान कई स्थानों पर बादलों की तेज गर्जना और बिजली चमकने की स्थिति बन सकती है। ऐसे मौसम में लोगों को खुले मैदान में जाने से बचना चाहिए। पेड़, बिजली के खंभे और अन्य ऊंचे स्थानों के नीचे खड़े होने से भी बचना जरूरी है। किसानों को खेतों में काम करते समय मौसम के बदलाव पर नजर रखने की सलाह दी गई है।

उन्होंने कहा कि लगातार बारिश से तापमान में गिरावट आने और उमस से राहत मिलने की संभावना है। हालांकि अधिक बारिश वाले क्षेत्रों में जलभराव की समस्या उत्पन्न हो सकती है। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने और अनावश्यक रूप से जलभराव वाले स्थानों पर जाने से बचने की सलाह दी गई है।

किसानों के लिए सलाह

डॉ. पांडेय ने किसानों से मौसम विभाग के पूर्वानुमान पर नजर रखने को कहा है। खेतों में काम करते समय यदि बादल गरजने या बिजली चमकने लगे तो सुरक्षित स्थान पर चले जाना चाहिए। बारिश के कारण खेतों में पानी भरने की स्थिति में फसलों की नियमित निगरानी करना भी जरूरी है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार अगले कुछ दिनों में पूर्वी उत्तर प्रदेश में बारिश की गतिविधियां अधिक सक्रिय रह सकती हैं। इसलिए प्रशासन, किसानों और आम लोगों को स्थानीय मौसम चेतावनियों पर लगातार नजर रखने की जरूरत है।
शाकिर फरीदी के स्वागत में दिखा सपा का दम, प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल के पहुंचते ही गूंजे नारे

2027 को लेकर बोले- हस्तिनापुर में खिलेगा सपा का परचम

बहसूमा। समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष श्री श्याम लाल पाल एवं मेरठ जिला अध्यक्ष कर्मवीर सिंह गुमी के बहसूमा आगमन पर पूर्व नगर अध्यक्ष मौ. शाकिर फरीदी के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने जोरदार स्वागत किया। फूल-मालाओं के साथ हुए स्वागत कार्यक्रम में कार्यकर्ताओं में खासा उत्साह देखने को मिला। इस दौरान सपा के समर्थन में जमकर नारेबाजी हुई और आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर कार्यकर्ताओं ने अपनी तैयारियों का संदेश दिया।

पूर्व नगर अध्यक्ष मौ. शाकिर फरीदी ने कहा कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में हस्तिनापुर विधानसभा सीट से टिकट किसी भी कार्यकर्ता को मिले, लेकिन चुनाव समाजवादी पार्टी के सिंबल पर ही लड़ा जाएगा। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं का लक्ष्य पार्टी को मजबूत करना और राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाना है।

फरीदी ने कहा कि आने वाला विधानसभा चुनाव संगठन की एकजुटता और कार्यकर्ताओं की मेहनत का चुनाव होगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से गांव-गांव और बूथ स्तर तक पहुंचकर पार्टी की नीतियों को जनता तक पहुंचाने का आह्वान किया।

स्वागत के दौरान कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल रहा। प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल और जिला अध्यक्ष कर्मवीर सिंह गुमी ने कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ाते हुए संगठन को मजबूत करने पर जोर दिया।

इस मौके पर जावेद अली, इकबाल सैफी, पूर्व सभासद झुन्नूरेन, पिंटू फरीदी, किसान नेता शुभम लांबा, दानिश अल्वी, अब्दुल्ला, मोहम्मद रफी सलमानी, मोहसिन खान, जैद फरीदी, अनीष हसन, नईयार मूसा, ज्ञानेंद्र प्रधान, दानिश गानी, एडवोकेट हैदर अली सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एवं समर्थक मौजूद रहे।
डॉ. भोला सिंह को भाजपा का राष्ट्रीय सचिव बनाए जाने पर भव्य स्वागत
खुर्जा। बुलंदशहर के लोकप्रिय सांसद एवं वरिष्ठ भाजपा नेता डॉ. भोला सिंह को भारतीय जनता पार्टी का राष्ट्रीय सचिव बनाए जाने पर पार्टी कार्यकर्ताओं एवं समर्थकों में हर्ष की लहर है। इसी क्रम में भारतीय जनता पार्टी, विधानसभा खुर्जा-70 की ओर से मुकेश कुमार मासूम ने दिल्ली स्थित डॉ. भोला सिंह के आवास पर पहुंचकर उनका आत्मीय स्वागत एवं अभिनंदन किया। मुकेश कुमार मासूम ने डॉ. भोला सिंह को तिरंगा पटका पहनाकर तथा पुष्पगुच्छ भेंट कर नई जिम्मेदारी के लिए हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर उन्होंने अपनी लिखी पुस्तक “योगी आदित्यनाथ - अध्यात्म और राजनीति के आकाश पर चमकता हुआ सितारा” भी डॉ. भोला सिंह को भेंट की। इस अवसर पर बॉलीवुड के निर्माता-निर्देशक कैलाश कुमार मासूम, प्रकाश जायसवाल एवं कैलाश भागमल गौतम ने भी डॉ. भोला सिंह का स्वागत करते हुए उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिलने पर बधाई दी। मुलाकात के दौरान डॉ. भोला सिंह ने आत्मीयता के साथ सभी का अभिनंदन स्वीकार किया तथा विभिन्न सामाजिक, राजनीतिक एवं जनहित के विषयों पर अपना अमूल्य मार्गदर्शन प्रदान किया। उन्होंने संगठन को मजबूत करने, जनता के बीच सक्रियता बढ़ाने तथा राष्ट्रहित एवं जनसेवा के कार्यों को प्राथमिकता देने पर विशेष जोर दिया। मुकेश कुमार मासूम ने कहा कि डॉ. भोला सिंह को भाजपा के राष्ट्रीय सचिव जैसी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिलना न केवल बुलंदशहर, बल्कि पूरे पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लिए गौरव का विषय है। उनके अनुभव, संगठनात्मक क्षमता और जनसेवा की भावना से पार्टी को राष्ट्रीय स्तर पर और अधिक मजबूती मिलेगी।