आजमगढ़:-राष्ट्रीय एकांकी में मंडल चैम्पियन बना कंपोजिट विद्यालय बीबीगंज, अब प्रदेश स्तर पर करेगी प्रतिभाग
वी कुमार यदुवंशी
आजमगढ़। कंपोजिट विद्यालय बीबीगंज ने मंडल स्तर पर आयोजित दो दिवसीय बेसिक बाल क्रीड़ा प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन करते हुए राष्ट्रीय एकांकी प्रतियोगिता में मंडल चैम्पियन का खिताब अपने नाम कर लिया। यह प्रतियोगिता 13 एवं 14 फरवरी को सुखदेव पहलवान स्टेडियम में आयोजित की गई थी। प्रतियोगिता में मंडल के विभिन्न जनपदों से आए प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया, जिसमें कंपोजिट विद्यालय बीबीगंज के छात्र-छात्राओं ने उत्कृष्ट अभिनय, प्रभावशाली प्रस्तुति और सशक्त मंचन के दम पर निर्णायकों का मन मोह लिया। विद्यालय की इस उपलब्धि से क्षेत्र में हर्ष का माहौल है। विद्यालय परिवार, अभिभावकों एवं ग्रामीणों ने छात्रों की सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त की है। इस जीत के साथ ही विद्यालय की टीम ने प्रदेश स्तर पर आयोजित होने वाली प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने के लिए अपना स्थान भी सुनिश्चित कर लिया है। विद्यालय के प्रधानाध्यापक संजय कुमार यादव एवं टीम प्रभारी दीपक यादव ने इस सफलता का श्रेय छात्रों की मेहनत, अनुशासन और नियमित अभ्यास को दिया। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि प्रदेश स्तर पर भी विद्यालय के छात्र उत्कृष्ट प्रदर्शन कर जनपद का नाम रोशन करेंगे। इस उपलब्धि ने न केवल विद्यालय बल्कि पूरे फूलपुर क्षेत्र को गौरवान्वित किया है। इस संबंध में बीईओ फूलपुर राजीव कुमार यादव ने बताया कि बीबीगंज के बच्चों द्वारा हमेशा बढ़िया प्रदर्शन किया जाता है। उम्मीद है कि बच्चे प्रदेश स्तर पर भी अपना परचम लहरायेंगे।
'दीपक' की रोशनी अब आबकारी के हिस्से,सीएम की छवि चमकाने की जिम्मेदारी 'मनीष' के जादुई हाथों में...

खान आशु 

भोपाल, मध्य प्रदेश। सीएम की छवि चमकाने वाले विभाग जनसंपर्क में अब उनके पहले भी अपना जलवा दिखा चुके IAS मनीष सिंह को सौंपी गई है। नाम के अनुरूप बुद्धिमान, समझदार या विचारशील व्यक्तित्व के धनी मनीष सिंह में जहां काम को जुनून की इंतहा तक उत्साह है, वहीं उनकी प्रशासनिक पकड़ का भी लोहा माना जाता रहा है।

शुक्रवार देर रात हुए प्रशासनिक फेरबदल में IAS मनीष मनीष सिंह को जनसंपर्क संचालनालय का जिम्मा सौंपा गया है। उनकी यहां पहले भी एक पारी बीत चुकी है। पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के कार्यकाल में जनसंपर्क विभाग में सेवाएं दे चुके मनीष सिंह की बेहतर ट्यूनिंग से इस विभाग से जुड़े सभी लोग संतुष्ट रहे हैं। जहां विभागीय अधिकारी व कर्मचारियों से उनका तालमेल रहा है, वहीं प्रदेश भर के छोटे बड़े अखबार मालिकों को भी उचित प्रतिसाद उनसे मिलता रहा है। विभाग से जुड़े पत्रकारों के लिए भी उनका दोस्ताना व्यवहार यादगार कहा जा सकता है।

यथा नाम, तथा काम

मनीष नाम के मायने खंखालने पर पता चलता है कि इस नाम को ईश्वर के नाम मन+ईश का समावेश माना जाता है। इस नाम के व्यक्ति को मन का स्वामी कहा जाता है। जबकि बुद्धिमत्ता, समझदारी और विचारशीलता इनकी अतिरिक्त योग्यता मानी जाती है। मनीष सिंह ऐसे व्यक्ति कहे जा सकते हैं, जिनको लेकर यथा नाम, तथा काम की संज्ञा दी जा सकती है।

जहां रहे, अलग पहचान 

नगर निगम भोपाल में आयुक्त के रूप में उनकी कार्यशैली शहर को अब तक याद है। स्व. बाबूलाल गौर के मंत्रित्वकाल और उन्हीं की पुत्रवधु कृष्णा गौर के महापौर रहते हुए उन्होंने नगर निगम के नाम एक नई तहरीर लिखी थी। भोपाल से इंदौर एकेवीएन, नगर निगम और इंदौर जिला प्रशासन के साथ पारी खेली और नए आयाम स्थापित किए। बार-बार का शहर स्वच्छता अवार्ड भी इंदौर के नाम करने की शुरुआत भी मनीष सिंह के कार्यकाल से ही शुरु हुआ है। भोपाल मेट्रो से लेकर जनसंपर्क विभाग की कई उपलब्धियां भी मनीष सिंह के नाम से ही जानी जाती हैं। उनका दोबारा जनसंपर्क विभाग में लौटना किसी नए कीर्तिमान से जोड़ा जा रहा है।

लोगों में उत्साह भी, उमंग भी

जनसंपर्क संचालनालय के नए मुखिया को लेकर विभाग से जुड़े लोगों में उत्साह बना हुआ है। विभिन्न विभागों में सेवाओं के दौरान लोगों से सतत और गहरे संबंधों को तलाशा जाने लगा है। मनीष सिंह की नई आमद से लोग उत्साह में इसीलिए हैं कि वे इस अधिकारी से बिना किसी व्यवधान के अपनी समस्या का समाधान मांगने आसानी से पहुंच पाएंगे।

बीएसवीएस प्रीमियर टूर्नामेंट की वर्ली ब्लास्टर टीम बनी विजेता
मुंबई। बिंद समाज विकास संघ द्वारा आचार्य अत्रे ग्राउंड पंतनगर घाटकोपर ईस्ट मुंबई में रविवार 8 फरवरी 2026 को बी एस वी एस तीसरा प्रीमियर लीग टूर्नामेंट महान समाजसेवी, स्वर्गीय सहदेव प्रसाद महतो ट्रॉफी टूर्नामेंट आयोजित किया गया।जिसमें कुल 12 टीमों ने भाग लिया सभी के कप्तानों ने कुशल नेतृत्व करते हुए अपने खिलाड़ियों का हर्षवर्धन हौसला बढ़ाया।वर्ली ब्लास्टर की टीम ने सभी टीमों को पीछे छोड़ते हुए प्रथम स्थान प्राप्त कर टूर्नामेंट ट्रॉफी अपने नाम कर लिया। द्वितीय स्थान पर रही कांदिवली चैंपियंस,तीसरे स्थान पर विक्रोली एक्सप्रेस, वर्ली ब्लास्टर के कप्तान ओमप्रकाश बिंद ,कांदिवली चैंपियंस के कप्तान रतन बिंद विक्रोली एक्सप्रेस के कप्तान विकास बिंद ने अच्छे नेतृत्व का परिचय देते हुए अपने सभी खिलाड़ियों के साथ हंड्रेड परसेंटेज देकर टूर्नामेंट में अव्वल रहे। विजेता टीमों को और मैन ऑफ द मैच सभी खिलाड़ियों,बेस्ट टूर्नामेंट सीरीज में, बेस्ट बॉलर, बेस्ट बैट्समैन, बेस्ट क्षेत्ररक्षण ने सीरीज अवॉर्ड लेकर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाने में कामयाब रहे।चर्चित समाजसेवी सुशील साहनी, के आर बिंद कंपनी के मालिक सी ए किशोरी लाल बिंद , उद्योगपति आर्यन बिंद, बिल्डर राम बहादुर बिंद, समाजसेवी राजेंद्र बिंद, सुरेश कुमार बिंद, मेवालाल निषाद, प्रकाश इंडस्ट्रीज के मालिक प्रकाश राधेश्याम बिंद, तमाम समाज सेवियों ने सभी खिलाड़ियों को अपने हाथों द्वारा चमचमाती हुई ट्रॉफी और उचित पुरस्कार देकर और बिंद समाज विकास संघ द्वारा सभी टीमों और खिलाड़ियों को सम्मान पत्र देकर सम्मानित किया गया।मैदान में आए हुए सभी दर्शकों ने बिंद समाज विकास संगठन की बहुत तारीफ की सभी ने कहा कि ऐसे अन्य सामाजिक संगठनों को भी आगे आकर समाज और देश के भविष्य के होनहार खिलाड़ियों को तरासने का काम करें ताकि देश और समाज का नाम रोशन हो सके।
एसआईआरडी में विभिन्न विषयों पर विशेषज्ञों द्वारा दिया जा रहा प्रशिक्षण

* मिशन कर्मयोगी और विकसित भारत-2047 पर विशेष फोकस

लखनऊ। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के नेतृत्व एवं निर्देशन में दीनदयाल उपाध्याय राज्य ग्राम्य विकास संस्थान (एसआईआरडी), बख्शी का तालाब, लखनऊ में सरकारी एवं अर्धसरकारी विभागों के अधिकारियों, कर्मचारियों तथा रचनात्मक कार्यों से जुड़े व्यक्तियों को दक्ष एवं सक्षम बनाने हेतु विभिन्न प्रशिक्षण कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है।
महानिदेशक एल. वेंकटेश्वर लू के संरक्षण तथा अपर निदेशक सुबोध दीक्षित के मार्गदर्शन एवं प्रशासनिक नियंत्रण में 9 से 14 फरवरी तक कई महत्वपूर्ण प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। केंद्रीय सचिवालय प्रबंध प्रशिक्षण संस्थान, भारत सरकार के सहयोग से विभिन्न मंत्रालयों में नवनियुक्त सहायक अनुभाग अधिकारियों के लिए “विलेज अटैचमेंट” विषयक प्रशिक्षण आयोजित किया गया है। इसके अंतर्गत लखनऊ एवं आसपास के जनपदों में जिला, तहसील, विकासखंड एवं ग्राम पंचायत स्तर पर शासकीय कार्यप्रणाली और राष्ट्र निर्माण में उनकी भूमिका का व्यवहारिक अध्ययन कराया जा रहा है।
इसी अवधि में राष्ट्रीय ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज संस्थान (एनआईआरडी), राजेंद्र नगर, हैदराबाद के सहयोग से उत्तर प्रदेश, बिहार एवं उत्तराखंड के खंड विकास अधिकारियों के लिए “मिशन कर्मयोगी एवं विकसित भारत-2047” विषयक आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। साथ ही 9 से 11 फरवरी तक प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालयों के शिक्षकों के लिए “लर्निंग बाय डूइंग” विषय पर प्रशिक्षण कार्यक्रम भी संपन्न हुआ।
बुधवार को वेबिनार के माध्यम से आयोजित सत्र में महानिदेशक एल. वेंकटेश्वर लू की अध्यक्षता में विशिष्ट अतिथि वक्ताओं—सुभाष चंद्र दूबे (महानिरीक्षक, महिला एवं बाल सुरक्षा, 1090), प्रो. डॉ. आर. रमेश (एनआईआरडी, हैदराबाद) तथा डॉ. लाखन सिंह (सहायक प्रोफेसर, एनआईआरडी)—ने मिशन कर्मयोगी पर विस्तार से व्याख्यान दिया। इसमें भारत सरकार के सहायक अनुभाग अधिकारियों तथा यूपी, बिहार एवं उत्तराखंड के खंड विकास अधिकारियों ने सहभागिता की।
समापन सत्र में महानिदेशक एल. वेंकटेश्वर लू ने कहा कि मिशन कर्मयोगी केवल कार्यालय समय तक सीमित दायित्व नहीं है, बल्कि प्रत्येक अधिकारी और नागरिक को अपने सार्वजनिक एवं पारिवारिक जीवन में भी कर्मयोगी बनकर राष्ट्र निर्माण में योगदान देना चाहिए।
कार्यक्रम का संचालन डॉ. नवीन कुमार सिन्हा ने किया। आयोजन एवं प्रबंधन में उप निदेशक अनुज कुमार श्रीवास्तव, सहायक निदेशक डॉ. राज किशोर यादव, डॉ. वरुण चतुर्वेदी, संकाय सदस्य मोहित यादव, धर्मेंद्र कुमार सुमन, प्रचार सहायक मोहम्मद शहंशाह तथा कंप्यूटर प्रोग्रामिंग अधिकारी उपेंद्र कुमार दूबे का उल्लेखनीय योगदान रहा।
योगी सरकार ने नौ लाख 12 हजार 696 करोड़ से अधिक का बजट पेश किया

लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार के वित्तमंत्री सुरेश खन्ना ने बुधवार को विधानसभा में 09 लाख 12 हजार करोड़ 696 करोड़ 35 लाख रुपये का बजट पेश किया। वित्तीय वर्ष 2025-26 की तुलना में लगभग 12.9 प्रतिशत अधिक है। इस बजट में पूंजीगत परिचय 19.5 प्रतिशत है। शिक्षा तथा चिकित्सा के लिए आवंटन कुल बजट का क्रमशः 12.4 प्रतिशत एवं 6 प्रतिशत है। कृषि और सम्बद्ध सेवाओं के लिए आवंटन कुल बजट का नौ फीसदी है। बजट में 43 हजार 565 करोड़ 33 लाख रुपये की नई योजनाएं सम्मिलित की गईं हैं।

वित्त मंत्री ने सरकार की बड़ाई में पढ़ी शायरी

सितारा बनकर आसमां में वही चमकते हैं.... वित्त मंत्री ने सरकार की बड़ाई में शायरी पढ़ी। इस पर सदस्यों ने ताली बजातर स्वागत किया।वित्त मंत्री ने कहा कि योगी सरकार में हर वर्ग का विकास हुआ।  हमारी सरकार द्वारा हरित और स्वच्छ ऊर्जा स्रोतों के विकास पर कार्य किया जा रहा है। प्रदेश में अब तक कुल 2815 मेगावॉट की सौर ऊर्जा परियोजनाएं स्थापित की जा चुकी हैं।वर्ष 2016-2017 की 5,878 मेगावॉट ताप विद्युत उत्पादन क्षमता के सापेक्ष वर्तमान वित्तीय वर्ष 2025-2026 (माह दिसम्बर, 2025 तक) में 55.16 प्रतिशत बढ़ोतरी करते हुए 9120 मेगावॉट ताप विद्युत उत्पादन क्षमता प्राप्त की गई।फसल सघनता जो 2016-2017 में 162.7 प्रतिशत थी, वर्ष 2024-2025 में 193.7 प्रतिशत हो चुकी है।वर्ष 2016-2017 में सिंचित क्षेत्र 2.16 करोड़ हेक्टेयर के मुकाबले प्रदेश में वर्ष 2024-2025 में 60 लाख हेक्टेयर अधिक अर्थात 2.76 लाख हेक्टेयर हो चुका है।देश, कृषि उत्पादन में देश का अग्रणी राज्य है।

गेहूं, धान, गन्ना, आलू, केला, आम, अमरूद, आंवला और मेंथा उत्पादन में राष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश का योगदान सर्वाधिक है।सरकार की अवस्थापना-प्रधान विकास के प्रति प्रतिबद्धता का यह प्रमाण है कि राज्य ने नीति आयोग द्वारा माह जनवरी, 2026 में जारी एक्सपोर्ट प्रिपेयर्डनेस इंडेक्स,2024 में देश में लैंड-लॉक्ड प्रदेशों में प्रथम स्थान प्राप्त किया है।वर्ष 2025-2026 में प्रति व्यक्ति आय 1,20,000 रुपये होने का अनुमान है। प्रदेश में हम लगभग 06 करोड़ लोगों को बहुआयामी गरीबी से ऊपर उठाने में सफल हुए हैं। बेरोजगारी की दर 2.24 प्रतिशत रह गई है।वर्ष 2024-2025 (त्वरित अनुमान) में प्रदेश की जीएसडीपी 30.25 लाख करोड़ रुपये आंकलित हुई है, जो गत वर्ष की तुलना में 13.4 प्रतिशत की वृद्धि परिलक्षित करता है। प्रदेश की प्रति व्यक्ति आय 1,09,844 रूपये आकलित हुई है, जो वर्ष 2016-2017 में प्रति व्यक्ति आय 54,564 रुपये के दोगुने से अधिक है।

हमारी सरकार के पिछले और वर्तमान कार्यकाल में प्रदेश का सर्वांगीण विकास हुआ है, चाहे कानून व्यवस्था का सुदृढ़ीकरण हो, अवस्थापना सुमिशन शक्ति के तहत वाहनों की खरीद के लिए 25 करोड़, चिकित्सा शिक्षा के लिए 14297 करोड़ प्रस्तावित हैं। 14 नए मेडिकल कालेजों के निर्माण के लिए 1023 करोड़ प्रस्तावित हैं। विधाओं का विस्तार हो, औद्योगिक निवेश हो, रोजगार सृजन हो, महिलाओं का सशक्तीकरण हो, युवाओं का कौशल संवर्धन हो, किसानों की खुशहाली हो, गरीबी उन्मूलन हो।कानून व्यवस्था की स्थिति सुदृढ़ हुई है। पुलिस अपराधियों पर कड़ी कार्रवाई कर रही है। महिला अपराधों पर काफी कमी आई है। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने जानकारी दी कि कृषि उत्पादन में उत्तर प्रदेश पहले स्थान पर है। युवाओं को रोजगार के लिए प्रशिक्षण पर हमारा लक्ष्य है। यूपी में एग्री एक्सपोर्ट हब बनाए जाएंगे। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत लगभग लाखों किसानों को फायदा पहुंचा गया। हमारी सरकार ने रिकॉर्ड गन्ना भुगतान किया है।
उत्तर प्रदेश का अनोखा मंदिर, जहां कुएं में होती है शिवलिंग की पूजा
नितेश श्रीवास्तव

भदोही। उत्तर प्रदेश में भदोही जिले के सेमराध स्थित भगवान शिव का एक अनोखा मंदिर जो कुएं में स्थित है। किवदंतियों के अनुसार मंदिर में स्थापित शिवलिंग की उत्पत्ति विशालकाय प्रकाश पुंज से हुई थी। जिला मुख्यालय से लगभग 30 किलोमीटर दूर काशी-प्रयाग के मध्य सेमराध नाथ धाम जंगीगंज के पास परम पावनी मां गंगा के तट पर स्थित है।‌कहा जाता है कि एक व्यापारी जलमार्ग से गुजर रहा था कि अचानक उसकी नौका डावांडोल होकर नदी में फंस गयी। जिसके बाद व्यापारी ने गंगा तट पर रात्रि में विश्राम का मन बनाया। व्यापारी को सपने में आया कि यह भगवान शिव का स्थान है। यहीं जमीन के अंदर शिवलिंग स्थित है। व्यापारी ने सपने की सत्यता को प्रमाणित करने के लिए जमीन की खुदाई शुरू करा दी। जहां कुछ गहराई में जाने पर उसे चमकता हुआ एक शिवलिंग दिखाई पड़ा। शिवलिंग का दर्शन कर व्यापारी भक्ति से ओत-प्रोत हो गया और उसे अपने साथ ले जाना चाहा।
बताते हैं कि वह शिवलिंग के जितना करीब जाता लिंग उतना ही दूर खिसक जाया करता था। थक हार कर उसने वहीं गंगा नदी के तट पर खुदाई से बने कुंए नुमा बने गड्ढे में एक भव्य मंदिर का निर्माण करा दिया, जो बाद में बाबा सेमराध नाथ धाम के नाम से विख्यात हुआ।
WhatsApp Status से लेकर Instagram Reels तक, हर जगह छाया ‘Choli Bheej Jata’, यूट्यूब के Top 10 में ट्रेंड होकर बना 2026 का सबसे बड़ा होली ब्लास्ट

डिजिटल सुनामी: खेसारी का राज!

दिल्ली की भीड़भाड़ वाली सड़कों से लेकर बिहार के सुदूर गाँवों के चौराहों तक, इस समय सिर्फ एक ही शोर है—खेसारी लाल यादव। उनका नया होली गीत “चोली भीज जाता” महज़ एक गाना नहीं, बल्कि एक डिजिटल सुनामी बन चुका है। IVY Bhojpuri Bawaal चैनल पर रिलीज़ होते ही इस गाने ने पूरे इंटरनेट पर कब्ज़ा (Taken over the internet) कर लिया है। आलम यह है कि यह गाना यूट्यूब ट्रेंडिंग के Top 10 में अपनी मज़बूत जगह बनाए हुए है और इसे 2026 का सबसे बड़ा होली गीत (Biggest Holi Song of 2026) घोषित कर दिया गया है।

सोशल मीडिया पर ‘बवाल’ वायरल ट्रेंड

भैया, आजकल सफलता का असली पैमाना ‘रील्स’ और ‘स्टेटस’ हैं। और “चोली भीज जाता” के हुक स्टेप पर इस समय लाखों की संख्या में इंस्टाग्राम रील्स बन रही हैं। लड़के जहाँ खेसारी भैया के स्वैग को कॉपी कर रहे हैं, वहीं लड़कियाँ प्रिया रघुवंशी के नखरों और ठुमकों पर अपनी अदाएँ दिखा रही हैं। व्हाट्सएप स्टेटस हो या फेसबुक स्टोरी, हर जगह लोग इसी गाने को लगाकर अपनी होली की खुशी जाहिर कर रहे हैं। अभिषेक भोजपुरीया के मज़ेदार बोल और आर्य शर्मा का म्यूज़िक हर किसी के ज़ुबान पर चढ़ गया है।

खेसारी आर्मी की ताकत: 24/7 सपोर्ट

खेसारी लाल यादव की सबसे बड़ी ताकत उनकी खेसारी आर्मी है। ये वो फैन हैं जिन्होंने इस गाने को रिलीज़ के साथ ही ट्रेंडिंग के शिखर पर पहुँचा दिया। यूट्यूब के टॉप 10 में जगह बनाना कोई छोटी बात नहीं है, लेकिन खेसारी के पावर के आगे इस बार सब फीका नज़र आ रहे हैं। IVY Bhojpuri Bawaal चैनल पर कमेंट्स की बाढ़ आ गई है, जहाँ लोग इसे इस सदी का सबसे बड़ा होली एंथम बता रहे हैं। Ps Dance Group के ज़बरदस्त डांस ने इस गाने के वीडियो को और भी शानदार बना दिया है।

प्रोडक्शन की क्वालिटी: चकाचक विज़ुअल्स

दिलीप चौरसिया की बेहतरीन सिनेमेटोग्राफी ने गाने को वो चमक दी है, जो बड़े बजट की फिल्मों में दिखती है। विलेंस प्रोडक्शन (Wailens Production) की ओर से पेश किया गया यह वीडियो विज़ुअल मास्टरपीस है। रोहित सिंह की डीआई (D.I.) ने रंगों को इतना निखारा है कि होली की मस्ती मोबाइल स्क्रीन से बाहर निकलकर आती महसूस होती है। यह गाना साबित करता है कि भोजपुरी म्यूज़िक अब ग्लोबल लेवल पर धमाका करने को तैयार है।

निष्कर्ष: आप भी बनें इस ट्रेंड का हिस्सा!

अगर आपने अभी तक अपना व्हाट्सएप स्टेटस इस गाने के साथ अपडेट नहीं किया है, तो जल्दी कीजिए, वरना आप 2026 के सबसे बड़े ट्रेंड से पीछे रह जाएंगे। खेसारी भैया और शिल्पी राज की यह जुगलबंदी इस होली आपको झूमने पर मजबूर कर देगी।

पूरा गाना यहाँ देखें और इसे और भी ऊपर ट्रेंड कराएं :- https://youtu.be/T_qBgY7EqOA�

कोमल सिंह ने बढ़ाया जिले का मान
गोण्डा। विकास खण्ड बेलसर अंतर्गत ग्राम पंचायत तेलहा निवासी सूर्यकान्त सिंह की  पुत्री कोमल सिंह ने जेआरएफ (असिस्टेंट प्रोफेसर) की परीक्षा उत्तीर्ण कर जनपद के नाम रोशन किया है। इस संदर्भ में विकास सिंह विक्कू ने बताया कि कोमल सिंह ने प्राथमिक शिक्षा क्षेत्रीय विद्यालय अवध शरण तथा इंटरमीडिएट लखनऊ पब्लिक स्कूल से किया। तदुपरांत बीए इलाहाबाद यूनिवर्सिटी तथा एमए की शिक्षा जेएनयू दिल्ली से अर्जित कर पहली ही बार मे जेआरएफ की परीक्षा में सफलता हासिल कर लिया। उन्होंने बताया कि कोमल के पिता सूर्यकान्त सिंह ग्राम प्रधान तथा माता संगीता सिंह गृहिणी है। इस अवसर पर सोनू सिंह, शिवम सिंह, अर्पित शुक्ला, पंकज सिंह, पंचम सिंह अवनीश शुक्ला सहित तमाम क्षेत्रीयजनों ने शुभकामनाएं प्रेषित किया।
102 वर्ष की उम्र में ब्रह्मलीन सच्चिदानंद स्वामी का जौनपुर से रहा गहरा लगाव
जौनपुर। विश्व भर में फैले लाखों भक्तों के लिए भगवान की तरह पूजे जाने वाले सच्चिदानन्द स्वामी धारकुंडी महराज के ब्रह्मलीन होने की खबर का पता चलते ही उनके श्रद्धालुओं में शोक की लहर छा गई। सैकड़ों श्रद्धालु उनके अंतिम दर्शन के लिए मध्यप्रदेश के सतना जिले में स्थित धारकुंडी आश्रम के लिए प्रस्थान कर दिया। स्वामी जी ने शनिवार की रात मुंबई के बदलापुर स्थित आश्रम पर नश्वर शरीर को त्याग गोलोक सिधार गए। बताते हैं कि वे 102 वर्ष की उम्र में शरीर का परित्याग किए हैं।
परमहंस महराज के तीन शिष्यों,स्वामी अड़गड़ानंद और अनुसुइया महराज में सबसे बड़े सच्चिदानंद स्वामी धारकुंडी महराज थे। उनका जौनपुर से विशेष लगाव था। लगभग तीन दशक पूर्व दौलतपुर गांव निवासी व रेलवे विभाग में सतना स्टेशन पर स्टेशन मास्टर के पद पर तैनात रहे ताल्लुका दूबे उनके आश्रम में गए थे। स्वामी जी से इस कदर प्रभावित हुए कि नौकरी और परिवार छोड़ उन्हीं के शरणागत होकर रह गए। जिन्हें दूबे बाबा के नाम से जाना गया। इसी तरह महमदपुर गुलरा गांव निवासी जगदीश पांडेय घर बार छोड़कर आश्रम में ही रह गए। उन्हें जगदीश बाबा की उपाधि मिली। वर्ष 1985 में धारकुंडी महराज का आगमन महमदपुर गुलरा और दौलतपुर गांव में हुआ था। तभी से यहां उनके हजारों श्रद्धालु बन गये। प्रत्येक गुरुपूर्णिमा को यहां से हजारों श्रद्धालु धारकुंडी आश्रम पहुंच उनका दर्शन पूजन करते चले आ रहे हैं। उनके गोलोक सिधारने की खबर से सभी श्रद्धालुओं में शोक छा गया। उनके भक्तों में शामिल राजा हरपाल सिंह महाविद्यालय के प्रबंधक कुंवर जय सिंह के अनुसार उनका दर्शन करने मात्र से ही शरीर में आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार हो उठता था। ऐसे संतों का दर्शन दुर्लभ होता है।
धारकुंडी आश्रम के पीछे स्थित अघमर्षण कुंड का उल्लेख महाभारत के युधिष्ठिर और यक्ष संवाद की पृष्ठभूमि के रूप में होता है। यही कारण है कि यह स्थान न केवल श्रद्धालुओं बल्कि इतिहास प्रेमियों और पर्यटकों को भी आकर्षित करता है।  स्वामी जी 22 नवंबर 1956 को यहां आए और पहाड़ की उसी गुफा में निवास करने लगे, जहां पहले एक खूंखार शेर रहा करता था। चमत्कारिक रूप से शेर ने गुफा छोड़ दी और वही स्थान बाद में विकसित होकर धारकुंडी आश्रम बन गया। स्वामी जी ने अपने अतीत की जानकारी किसी को नहीं दी। उन्हें निशानेबाजी और सेना के कोड वर्ड्स का गहरा ज्ञान था। कुल मिलाकर उनका संपूर्ण जीवन एक रहस्यमय आध्यात्मिक जीवन रहा, जिसे समझ पाना बहुत मुश्किल है।
बाबू शोभनाथ सिंह मेमोरियल ट्रस्ट, जौनपुर इकाई की काव्यगोष्ठी संपन्न
जौनपुर। बाबू शोभनाथ सिंह मेमोरियल ट्रस्ट जौनपुर इकाई द्वारा गूगल मीट के माध्यम से प्रथम काव्यगोष्ठी का आयोजन गुरुवार 5 फरवरी 2026 को राजेश पाण्डेय के संचालन में संपन्न हुआ।अध्यक्षता वरिष्ठ कवि प्रेम शंकर द्विवेदी,मुख्य अतिथि वरिष्ठ कवि विजय तिवारी रहे। कार्यक्रम की शुरुआत सुमति श्रीवास्तव द्वारा माँ सरस्वती के वंदना से हुई।दिल्ली से कवि तथा चित्रकार पंकज तिवारी ने 'एसंउ लाग बाटइ महाकुंभ अइया' के माध्यम से अवधी रचना,वरिष्ठ कवि एस. बी. उपाध्याय,सुजिता शर्मा द्वारा शानदार गीत,'कविता ही है सखी हमारी' नारी सशक्तिकरण पर बेहतरीन रचना सीमा त्रिवेदी, 'सजे सपने मनभावन से' गीत सुमति श्रीवास्तव,अनुपमा द्विवेदी,मंजू पांडेय ने 'मेरे ख्वाबों में ख्यालों में तुम ही हो',अयोध्या प्रसाद 'सखि वसंत सचमुच बौराया है',जौनपुर इकाई अध्यक्षा सीमा सिंह द्वारा 'जिंदा रहने के ख्वाहिश में बस इतना ही काफी है' के माध्यम से जिंदगी के खूबसूरत सफर एवं जटिल प्रक्रिया का बखान किया।राष्ट्रीय सचिव सत्यभामा सिंह की कविता 'मैं बना हूँ सारथी तो बात मेरी मान लो' के माध्यम से भगवान श्री कृष्ण एवं अर्जुन के संवाद को बखूबी बयां किया।मुख्य अतिथि विजय तिवारी ने 'बड़ी बात है' बड़ी ही गूढ़ कविता पढ़ीं।संचालक राजेश पाण्डेय की कविता 'मैं ही तो कारण सत्ता हूँ' बहुत पसंद की गई।अध्यक्षता कर रहे वरिष्ठ कवि प्रेम शंकर द्विवेदी ने अपने गुरुजी को याद करते हुए अपनी बेहतरीन रचनाएं पढ़ते हुए सभी की कविताओं पर समीक्षात्मक टिप्पणी भी किया।अंत में सत्यभामा द्वारा बड़े ही सहज भाव में सभी का आभार व्यक्त किया गया।
आजमगढ़:-राष्ट्रीय एकांकी में मंडल चैम्पियन बना कंपोजिट विद्यालय बीबीगंज, अब प्रदेश स्तर पर करेगी प्रतिभाग
वी कुमार यदुवंशी
आजमगढ़। कंपोजिट विद्यालय बीबीगंज ने मंडल स्तर पर आयोजित दो दिवसीय बेसिक बाल क्रीड़ा प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन करते हुए राष्ट्रीय एकांकी प्रतियोगिता में मंडल चैम्पियन का खिताब अपने नाम कर लिया। यह प्रतियोगिता 13 एवं 14 फरवरी को सुखदेव पहलवान स्टेडियम में आयोजित की गई थी। प्रतियोगिता में मंडल के विभिन्न जनपदों से आए प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया, जिसमें कंपोजिट विद्यालय बीबीगंज के छात्र-छात्राओं ने उत्कृष्ट अभिनय, प्रभावशाली प्रस्तुति और सशक्त मंचन के दम पर निर्णायकों का मन मोह लिया। विद्यालय की इस उपलब्धि से क्षेत्र में हर्ष का माहौल है। विद्यालय परिवार, अभिभावकों एवं ग्रामीणों ने छात्रों की सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त की है। इस जीत के साथ ही विद्यालय की टीम ने प्रदेश स्तर पर आयोजित होने वाली प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने के लिए अपना स्थान भी सुनिश्चित कर लिया है। विद्यालय के प्रधानाध्यापक संजय कुमार यादव एवं टीम प्रभारी दीपक यादव ने इस सफलता का श्रेय छात्रों की मेहनत, अनुशासन और नियमित अभ्यास को दिया। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि प्रदेश स्तर पर भी विद्यालय के छात्र उत्कृष्ट प्रदर्शन कर जनपद का नाम रोशन करेंगे। इस उपलब्धि ने न केवल विद्यालय बल्कि पूरे फूलपुर क्षेत्र को गौरवान्वित किया है। इस संबंध में बीईओ फूलपुर राजीव कुमार यादव ने बताया कि बीबीगंज के बच्चों द्वारा हमेशा बढ़िया प्रदर्शन किया जाता है। उम्मीद है कि बच्चे प्रदेश स्तर पर भी अपना परचम लहरायेंगे।
'दीपक' की रोशनी अब आबकारी के हिस्से,सीएम की छवि चमकाने की जिम्मेदारी 'मनीष' के जादुई हाथों में...

खान आशु 

भोपाल, मध्य प्रदेश। सीएम की छवि चमकाने वाले विभाग जनसंपर्क में अब उनके पहले भी अपना जलवा दिखा चुके IAS मनीष सिंह को सौंपी गई है। नाम के अनुरूप बुद्धिमान, समझदार या विचारशील व्यक्तित्व के धनी मनीष सिंह में जहां काम को जुनून की इंतहा तक उत्साह है, वहीं उनकी प्रशासनिक पकड़ का भी लोहा माना जाता रहा है।

शुक्रवार देर रात हुए प्रशासनिक फेरबदल में IAS मनीष मनीष सिंह को जनसंपर्क संचालनालय का जिम्मा सौंपा गया है। उनकी यहां पहले भी एक पारी बीत चुकी है। पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के कार्यकाल में जनसंपर्क विभाग में सेवाएं दे चुके मनीष सिंह की बेहतर ट्यूनिंग से इस विभाग से जुड़े सभी लोग संतुष्ट रहे हैं। जहां विभागीय अधिकारी व कर्मचारियों से उनका तालमेल रहा है, वहीं प्रदेश भर के छोटे बड़े अखबार मालिकों को भी उचित प्रतिसाद उनसे मिलता रहा है। विभाग से जुड़े पत्रकारों के लिए भी उनका दोस्ताना व्यवहार यादगार कहा जा सकता है।

यथा नाम, तथा काम

मनीष नाम के मायने खंखालने पर पता चलता है कि इस नाम को ईश्वर के नाम मन+ईश का समावेश माना जाता है। इस नाम के व्यक्ति को मन का स्वामी कहा जाता है। जबकि बुद्धिमत्ता, समझदारी और विचारशीलता इनकी अतिरिक्त योग्यता मानी जाती है। मनीष सिंह ऐसे व्यक्ति कहे जा सकते हैं, जिनको लेकर यथा नाम, तथा काम की संज्ञा दी जा सकती है।

जहां रहे, अलग पहचान 

नगर निगम भोपाल में आयुक्त के रूप में उनकी कार्यशैली शहर को अब तक याद है। स्व. बाबूलाल गौर के मंत्रित्वकाल और उन्हीं की पुत्रवधु कृष्णा गौर के महापौर रहते हुए उन्होंने नगर निगम के नाम एक नई तहरीर लिखी थी। भोपाल से इंदौर एकेवीएन, नगर निगम और इंदौर जिला प्रशासन के साथ पारी खेली और नए आयाम स्थापित किए। बार-बार का शहर स्वच्छता अवार्ड भी इंदौर के नाम करने की शुरुआत भी मनीष सिंह के कार्यकाल से ही शुरु हुआ है। भोपाल मेट्रो से लेकर जनसंपर्क विभाग की कई उपलब्धियां भी मनीष सिंह के नाम से ही जानी जाती हैं। उनका दोबारा जनसंपर्क विभाग में लौटना किसी नए कीर्तिमान से जोड़ा जा रहा है।

लोगों में उत्साह भी, उमंग भी

जनसंपर्क संचालनालय के नए मुखिया को लेकर विभाग से जुड़े लोगों में उत्साह बना हुआ है। विभिन्न विभागों में सेवाओं के दौरान लोगों से सतत और गहरे संबंधों को तलाशा जाने लगा है। मनीष सिंह की नई आमद से लोग उत्साह में इसीलिए हैं कि वे इस अधिकारी से बिना किसी व्यवधान के अपनी समस्या का समाधान मांगने आसानी से पहुंच पाएंगे।

बीएसवीएस प्रीमियर टूर्नामेंट की वर्ली ब्लास्टर टीम बनी विजेता
मुंबई। बिंद समाज विकास संघ द्वारा आचार्य अत्रे ग्राउंड पंतनगर घाटकोपर ईस्ट मुंबई में रविवार 8 फरवरी 2026 को बी एस वी एस तीसरा प्रीमियर लीग टूर्नामेंट महान समाजसेवी, स्वर्गीय सहदेव प्रसाद महतो ट्रॉफी टूर्नामेंट आयोजित किया गया।जिसमें कुल 12 टीमों ने भाग लिया सभी के कप्तानों ने कुशल नेतृत्व करते हुए अपने खिलाड़ियों का हर्षवर्धन हौसला बढ़ाया।वर्ली ब्लास्टर की टीम ने सभी टीमों को पीछे छोड़ते हुए प्रथम स्थान प्राप्त कर टूर्नामेंट ट्रॉफी अपने नाम कर लिया। द्वितीय स्थान पर रही कांदिवली चैंपियंस,तीसरे स्थान पर विक्रोली एक्सप्रेस, वर्ली ब्लास्टर के कप्तान ओमप्रकाश बिंद ,कांदिवली चैंपियंस के कप्तान रतन बिंद विक्रोली एक्सप्रेस के कप्तान विकास बिंद ने अच्छे नेतृत्व का परिचय देते हुए अपने सभी खिलाड़ियों के साथ हंड्रेड परसेंटेज देकर टूर्नामेंट में अव्वल रहे। विजेता टीमों को और मैन ऑफ द मैच सभी खिलाड़ियों,बेस्ट टूर्नामेंट सीरीज में, बेस्ट बॉलर, बेस्ट बैट्समैन, बेस्ट क्षेत्ररक्षण ने सीरीज अवॉर्ड लेकर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाने में कामयाब रहे।चर्चित समाजसेवी सुशील साहनी, के आर बिंद कंपनी के मालिक सी ए किशोरी लाल बिंद , उद्योगपति आर्यन बिंद, बिल्डर राम बहादुर बिंद, समाजसेवी राजेंद्र बिंद, सुरेश कुमार बिंद, मेवालाल निषाद, प्रकाश इंडस्ट्रीज के मालिक प्रकाश राधेश्याम बिंद, तमाम समाज सेवियों ने सभी खिलाड़ियों को अपने हाथों द्वारा चमचमाती हुई ट्रॉफी और उचित पुरस्कार देकर और बिंद समाज विकास संघ द्वारा सभी टीमों और खिलाड़ियों को सम्मान पत्र देकर सम्मानित किया गया।मैदान में आए हुए सभी दर्शकों ने बिंद समाज विकास संगठन की बहुत तारीफ की सभी ने कहा कि ऐसे अन्य सामाजिक संगठनों को भी आगे आकर समाज और देश के भविष्य के होनहार खिलाड़ियों को तरासने का काम करें ताकि देश और समाज का नाम रोशन हो सके।
एसआईआरडी में विभिन्न विषयों पर विशेषज्ञों द्वारा दिया जा रहा प्रशिक्षण

* मिशन कर्मयोगी और विकसित भारत-2047 पर विशेष फोकस

लखनऊ। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के नेतृत्व एवं निर्देशन में दीनदयाल उपाध्याय राज्य ग्राम्य विकास संस्थान (एसआईआरडी), बख्शी का तालाब, लखनऊ में सरकारी एवं अर्धसरकारी विभागों के अधिकारियों, कर्मचारियों तथा रचनात्मक कार्यों से जुड़े व्यक्तियों को दक्ष एवं सक्षम बनाने हेतु विभिन्न प्रशिक्षण कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है।
महानिदेशक एल. वेंकटेश्वर लू के संरक्षण तथा अपर निदेशक सुबोध दीक्षित के मार्गदर्शन एवं प्रशासनिक नियंत्रण में 9 से 14 फरवरी तक कई महत्वपूर्ण प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। केंद्रीय सचिवालय प्रबंध प्रशिक्षण संस्थान, भारत सरकार के सहयोग से विभिन्न मंत्रालयों में नवनियुक्त सहायक अनुभाग अधिकारियों के लिए “विलेज अटैचमेंट” विषयक प्रशिक्षण आयोजित किया गया है। इसके अंतर्गत लखनऊ एवं आसपास के जनपदों में जिला, तहसील, विकासखंड एवं ग्राम पंचायत स्तर पर शासकीय कार्यप्रणाली और राष्ट्र निर्माण में उनकी भूमिका का व्यवहारिक अध्ययन कराया जा रहा है।
इसी अवधि में राष्ट्रीय ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज संस्थान (एनआईआरडी), राजेंद्र नगर, हैदराबाद के सहयोग से उत्तर प्रदेश, बिहार एवं उत्तराखंड के खंड विकास अधिकारियों के लिए “मिशन कर्मयोगी एवं विकसित भारत-2047” विषयक आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। साथ ही 9 से 11 फरवरी तक प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालयों के शिक्षकों के लिए “लर्निंग बाय डूइंग” विषय पर प्रशिक्षण कार्यक्रम भी संपन्न हुआ।
बुधवार को वेबिनार के माध्यम से आयोजित सत्र में महानिदेशक एल. वेंकटेश्वर लू की अध्यक्षता में विशिष्ट अतिथि वक्ताओं—सुभाष चंद्र दूबे (महानिरीक्षक, महिला एवं बाल सुरक्षा, 1090), प्रो. डॉ. आर. रमेश (एनआईआरडी, हैदराबाद) तथा डॉ. लाखन सिंह (सहायक प्रोफेसर, एनआईआरडी)—ने मिशन कर्मयोगी पर विस्तार से व्याख्यान दिया। इसमें भारत सरकार के सहायक अनुभाग अधिकारियों तथा यूपी, बिहार एवं उत्तराखंड के खंड विकास अधिकारियों ने सहभागिता की।
समापन सत्र में महानिदेशक एल. वेंकटेश्वर लू ने कहा कि मिशन कर्मयोगी केवल कार्यालय समय तक सीमित दायित्व नहीं है, बल्कि प्रत्येक अधिकारी और नागरिक को अपने सार्वजनिक एवं पारिवारिक जीवन में भी कर्मयोगी बनकर राष्ट्र निर्माण में योगदान देना चाहिए।
कार्यक्रम का संचालन डॉ. नवीन कुमार सिन्हा ने किया। आयोजन एवं प्रबंधन में उप निदेशक अनुज कुमार श्रीवास्तव, सहायक निदेशक डॉ. राज किशोर यादव, डॉ. वरुण चतुर्वेदी, संकाय सदस्य मोहित यादव, धर्मेंद्र कुमार सुमन, प्रचार सहायक मोहम्मद शहंशाह तथा कंप्यूटर प्रोग्रामिंग अधिकारी उपेंद्र कुमार दूबे का उल्लेखनीय योगदान रहा।
योगी सरकार ने नौ लाख 12 हजार 696 करोड़ से अधिक का बजट पेश किया

लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार के वित्तमंत्री सुरेश खन्ना ने बुधवार को विधानसभा में 09 लाख 12 हजार करोड़ 696 करोड़ 35 लाख रुपये का बजट पेश किया। वित्तीय वर्ष 2025-26 की तुलना में लगभग 12.9 प्रतिशत अधिक है। इस बजट में पूंजीगत परिचय 19.5 प्रतिशत है। शिक्षा तथा चिकित्सा के लिए आवंटन कुल बजट का क्रमशः 12.4 प्रतिशत एवं 6 प्रतिशत है। कृषि और सम्बद्ध सेवाओं के लिए आवंटन कुल बजट का नौ फीसदी है। बजट में 43 हजार 565 करोड़ 33 लाख रुपये की नई योजनाएं सम्मिलित की गईं हैं।

वित्त मंत्री ने सरकार की बड़ाई में पढ़ी शायरी

सितारा बनकर आसमां में वही चमकते हैं.... वित्त मंत्री ने सरकार की बड़ाई में शायरी पढ़ी। इस पर सदस्यों ने ताली बजातर स्वागत किया।वित्त मंत्री ने कहा कि योगी सरकार में हर वर्ग का विकास हुआ।  हमारी सरकार द्वारा हरित और स्वच्छ ऊर्जा स्रोतों के विकास पर कार्य किया जा रहा है। प्रदेश में अब तक कुल 2815 मेगावॉट की सौर ऊर्जा परियोजनाएं स्थापित की जा चुकी हैं।वर्ष 2016-2017 की 5,878 मेगावॉट ताप विद्युत उत्पादन क्षमता के सापेक्ष वर्तमान वित्तीय वर्ष 2025-2026 (माह दिसम्बर, 2025 तक) में 55.16 प्रतिशत बढ़ोतरी करते हुए 9120 मेगावॉट ताप विद्युत उत्पादन क्षमता प्राप्त की गई।फसल सघनता जो 2016-2017 में 162.7 प्रतिशत थी, वर्ष 2024-2025 में 193.7 प्रतिशत हो चुकी है।वर्ष 2016-2017 में सिंचित क्षेत्र 2.16 करोड़ हेक्टेयर के मुकाबले प्रदेश में वर्ष 2024-2025 में 60 लाख हेक्टेयर अधिक अर्थात 2.76 लाख हेक्टेयर हो चुका है।देश, कृषि उत्पादन में देश का अग्रणी राज्य है।

गेहूं, धान, गन्ना, आलू, केला, आम, अमरूद, आंवला और मेंथा उत्पादन में राष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश का योगदान सर्वाधिक है।सरकार की अवस्थापना-प्रधान विकास के प्रति प्रतिबद्धता का यह प्रमाण है कि राज्य ने नीति आयोग द्वारा माह जनवरी, 2026 में जारी एक्सपोर्ट प्रिपेयर्डनेस इंडेक्स,2024 में देश में लैंड-लॉक्ड प्रदेशों में प्रथम स्थान प्राप्त किया है।वर्ष 2025-2026 में प्रति व्यक्ति आय 1,20,000 रुपये होने का अनुमान है। प्रदेश में हम लगभग 06 करोड़ लोगों को बहुआयामी गरीबी से ऊपर उठाने में सफल हुए हैं। बेरोजगारी की दर 2.24 प्रतिशत रह गई है।वर्ष 2024-2025 (त्वरित अनुमान) में प्रदेश की जीएसडीपी 30.25 लाख करोड़ रुपये आंकलित हुई है, जो गत वर्ष की तुलना में 13.4 प्रतिशत की वृद्धि परिलक्षित करता है। प्रदेश की प्रति व्यक्ति आय 1,09,844 रूपये आकलित हुई है, जो वर्ष 2016-2017 में प्रति व्यक्ति आय 54,564 रुपये के दोगुने से अधिक है।

हमारी सरकार के पिछले और वर्तमान कार्यकाल में प्रदेश का सर्वांगीण विकास हुआ है, चाहे कानून व्यवस्था का सुदृढ़ीकरण हो, अवस्थापना सुमिशन शक्ति के तहत वाहनों की खरीद के लिए 25 करोड़, चिकित्सा शिक्षा के लिए 14297 करोड़ प्रस्तावित हैं। 14 नए मेडिकल कालेजों के निर्माण के लिए 1023 करोड़ प्रस्तावित हैं। विधाओं का विस्तार हो, औद्योगिक निवेश हो, रोजगार सृजन हो, महिलाओं का सशक्तीकरण हो, युवाओं का कौशल संवर्धन हो, किसानों की खुशहाली हो, गरीबी उन्मूलन हो।कानून व्यवस्था की स्थिति सुदृढ़ हुई है। पुलिस अपराधियों पर कड़ी कार्रवाई कर रही है। महिला अपराधों पर काफी कमी आई है। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने जानकारी दी कि कृषि उत्पादन में उत्तर प्रदेश पहले स्थान पर है। युवाओं को रोजगार के लिए प्रशिक्षण पर हमारा लक्ष्य है। यूपी में एग्री एक्सपोर्ट हब बनाए जाएंगे। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत लगभग लाखों किसानों को फायदा पहुंचा गया। हमारी सरकार ने रिकॉर्ड गन्ना भुगतान किया है।
उत्तर प्रदेश का अनोखा मंदिर, जहां कुएं में होती है शिवलिंग की पूजा
नितेश श्रीवास्तव

भदोही। उत्तर प्रदेश में भदोही जिले के सेमराध स्थित भगवान शिव का एक अनोखा मंदिर जो कुएं में स्थित है। किवदंतियों के अनुसार मंदिर में स्थापित शिवलिंग की उत्पत्ति विशालकाय प्रकाश पुंज से हुई थी। जिला मुख्यालय से लगभग 30 किलोमीटर दूर काशी-प्रयाग के मध्य सेमराध नाथ धाम जंगीगंज के पास परम पावनी मां गंगा के तट पर स्थित है।‌कहा जाता है कि एक व्यापारी जलमार्ग से गुजर रहा था कि अचानक उसकी नौका डावांडोल होकर नदी में फंस गयी। जिसके बाद व्यापारी ने गंगा तट पर रात्रि में विश्राम का मन बनाया। व्यापारी को सपने में आया कि यह भगवान शिव का स्थान है। यहीं जमीन के अंदर शिवलिंग स्थित है। व्यापारी ने सपने की सत्यता को प्रमाणित करने के लिए जमीन की खुदाई शुरू करा दी। जहां कुछ गहराई में जाने पर उसे चमकता हुआ एक शिवलिंग दिखाई पड़ा। शिवलिंग का दर्शन कर व्यापारी भक्ति से ओत-प्रोत हो गया और उसे अपने साथ ले जाना चाहा।
बताते हैं कि वह शिवलिंग के जितना करीब जाता लिंग उतना ही दूर खिसक जाया करता था। थक हार कर उसने वहीं गंगा नदी के तट पर खुदाई से बने कुंए नुमा बने गड्ढे में एक भव्य मंदिर का निर्माण करा दिया, जो बाद में बाबा सेमराध नाथ धाम के नाम से विख्यात हुआ।
WhatsApp Status से लेकर Instagram Reels तक, हर जगह छाया ‘Choli Bheej Jata’, यूट्यूब के Top 10 में ट्रेंड होकर बना 2026 का सबसे बड़ा होली ब्लास्ट

डिजिटल सुनामी: खेसारी का राज!

दिल्ली की भीड़भाड़ वाली सड़कों से लेकर बिहार के सुदूर गाँवों के चौराहों तक, इस समय सिर्फ एक ही शोर है—खेसारी लाल यादव। उनका नया होली गीत “चोली भीज जाता” महज़ एक गाना नहीं, बल्कि एक डिजिटल सुनामी बन चुका है। IVY Bhojpuri Bawaal चैनल पर रिलीज़ होते ही इस गाने ने पूरे इंटरनेट पर कब्ज़ा (Taken over the internet) कर लिया है। आलम यह है कि यह गाना यूट्यूब ट्रेंडिंग के Top 10 में अपनी मज़बूत जगह बनाए हुए है और इसे 2026 का सबसे बड़ा होली गीत (Biggest Holi Song of 2026) घोषित कर दिया गया है।

सोशल मीडिया पर ‘बवाल’ वायरल ट्रेंड

भैया, आजकल सफलता का असली पैमाना ‘रील्स’ और ‘स्टेटस’ हैं। और “चोली भीज जाता” के हुक स्टेप पर इस समय लाखों की संख्या में इंस्टाग्राम रील्स बन रही हैं। लड़के जहाँ खेसारी भैया के स्वैग को कॉपी कर रहे हैं, वहीं लड़कियाँ प्रिया रघुवंशी के नखरों और ठुमकों पर अपनी अदाएँ दिखा रही हैं। व्हाट्सएप स्टेटस हो या फेसबुक स्टोरी, हर जगह लोग इसी गाने को लगाकर अपनी होली की खुशी जाहिर कर रहे हैं। अभिषेक भोजपुरीया के मज़ेदार बोल और आर्य शर्मा का म्यूज़िक हर किसी के ज़ुबान पर चढ़ गया है।

खेसारी आर्मी की ताकत: 24/7 सपोर्ट

खेसारी लाल यादव की सबसे बड़ी ताकत उनकी खेसारी आर्मी है। ये वो फैन हैं जिन्होंने इस गाने को रिलीज़ के साथ ही ट्रेंडिंग के शिखर पर पहुँचा दिया। यूट्यूब के टॉप 10 में जगह बनाना कोई छोटी बात नहीं है, लेकिन खेसारी के पावर के आगे इस बार सब फीका नज़र आ रहे हैं। IVY Bhojpuri Bawaal चैनल पर कमेंट्स की बाढ़ आ गई है, जहाँ लोग इसे इस सदी का सबसे बड़ा होली एंथम बता रहे हैं। Ps Dance Group के ज़बरदस्त डांस ने इस गाने के वीडियो को और भी शानदार बना दिया है।

प्रोडक्शन की क्वालिटी: चकाचक विज़ुअल्स

दिलीप चौरसिया की बेहतरीन सिनेमेटोग्राफी ने गाने को वो चमक दी है, जो बड़े बजट की फिल्मों में दिखती है। विलेंस प्रोडक्शन (Wailens Production) की ओर से पेश किया गया यह वीडियो विज़ुअल मास्टरपीस है। रोहित सिंह की डीआई (D.I.) ने रंगों को इतना निखारा है कि होली की मस्ती मोबाइल स्क्रीन से बाहर निकलकर आती महसूस होती है। यह गाना साबित करता है कि भोजपुरी म्यूज़िक अब ग्लोबल लेवल पर धमाका करने को तैयार है।

निष्कर्ष: आप भी बनें इस ट्रेंड का हिस्सा!

अगर आपने अभी तक अपना व्हाट्सएप स्टेटस इस गाने के साथ अपडेट नहीं किया है, तो जल्दी कीजिए, वरना आप 2026 के सबसे बड़े ट्रेंड से पीछे रह जाएंगे। खेसारी भैया और शिल्पी राज की यह जुगलबंदी इस होली आपको झूमने पर मजबूर कर देगी।

पूरा गाना यहाँ देखें और इसे और भी ऊपर ट्रेंड कराएं :- https://youtu.be/T_qBgY7EqOA�

कोमल सिंह ने बढ़ाया जिले का मान
गोण्डा। विकास खण्ड बेलसर अंतर्गत ग्राम पंचायत तेलहा निवासी सूर्यकान्त सिंह की  पुत्री कोमल सिंह ने जेआरएफ (असिस्टेंट प्रोफेसर) की परीक्षा उत्तीर्ण कर जनपद के नाम रोशन किया है। इस संदर्भ में विकास सिंह विक्कू ने बताया कि कोमल सिंह ने प्राथमिक शिक्षा क्षेत्रीय विद्यालय अवध शरण तथा इंटरमीडिएट लखनऊ पब्लिक स्कूल से किया। तदुपरांत बीए इलाहाबाद यूनिवर्सिटी तथा एमए की शिक्षा जेएनयू दिल्ली से अर्जित कर पहली ही बार मे जेआरएफ की परीक्षा में सफलता हासिल कर लिया। उन्होंने बताया कि कोमल के पिता सूर्यकान्त सिंह ग्राम प्रधान तथा माता संगीता सिंह गृहिणी है। इस अवसर पर सोनू सिंह, शिवम सिंह, अर्पित शुक्ला, पंकज सिंह, पंचम सिंह अवनीश शुक्ला सहित तमाम क्षेत्रीयजनों ने शुभकामनाएं प्रेषित किया।
102 वर्ष की उम्र में ब्रह्मलीन सच्चिदानंद स्वामी का जौनपुर से रहा गहरा लगाव
जौनपुर। विश्व भर में फैले लाखों भक्तों के लिए भगवान की तरह पूजे जाने वाले सच्चिदानन्द स्वामी धारकुंडी महराज के ब्रह्मलीन होने की खबर का पता चलते ही उनके श्रद्धालुओं में शोक की लहर छा गई। सैकड़ों श्रद्धालु उनके अंतिम दर्शन के लिए मध्यप्रदेश के सतना जिले में स्थित धारकुंडी आश्रम के लिए प्रस्थान कर दिया। स्वामी जी ने शनिवार की रात मुंबई के बदलापुर स्थित आश्रम पर नश्वर शरीर को त्याग गोलोक सिधार गए। बताते हैं कि वे 102 वर्ष की उम्र में शरीर का परित्याग किए हैं।
परमहंस महराज के तीन शिष्यों,स्वामी अड़गड़ानंद और अनुसुइया महराज में सबसे बड़े सच्चिदानंद स्वामी धारकुंडी महराज थे। उनका जौनपुर से विशेष लगाव था। लगभग तीन दशक पूर्व दौलतपुर गांव निवासी व रेलवे विभाग में सतना स्टेशन पर स्टेशन मास्टर के पद पर तैनात रहे ताल्लुका दूबे उनके आश्रम में गए थे। स्वामी जी से इस कदर प्रभावित हुए कि नौकरी और परिवार छोड़ उन्हीं के शरणागत होकर रह गए। जिन्हें दूबे बाबा के नाम से जाना गया। इसी तरह महमदपुर गुलरा गांव निवासी जगदीश पांडेय घर बार छोड़कर आश्रम में ही रह गए। उन्हें जगदीश बाबा की उपाधि मिली। वर्ष 1985 में धारकुंडी महराज का आगमन महमदपुर गुलरा और दौलतपुर गांव में हुआ था। तभी से यहां उनके हजारों श्रद्धालु बन गये। प्रत्येक गुरुपूर्णिमा को यहां से हजारों श्रद्धालु धारकुंडी आश्रम पहुंच उनका दर्शन पूजन करते चले आ रहे हैं। उनके गोलोक सिधारने की खबर से सभी श्रद्धालुओं में शोक छा गया। उनके भक्तों में शामिल राजा हरपाल सिंह महाविद्यालय के प्रबंधक कुंवर जय सिंह के अनुसार उनका दर्शन करने मात्र से ही शरीर में आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार हो उठता था। ऐसे संतों का दर्शन दुर्लभ होता है।
धारकुंडी आश्रम के पीछे स्थित अघमर्षण कुंड का उल्लेख महाभारत के युधिष्ठिर और यक्ष संवाद की पृष्ठभूमि के रूप में होता है। यही कारण है कि यह स्थान न केवल श्रद्धालुओं बल्कि इतिहास प्रेमियों और पर्यटकों को भी आकर्षित करता है।  स्वामी जी 22 नवंबर 1956 को यहां आए और पहाड़ की उसी गुफा में निवास करने लगे, जहां पहले एक खूंखार शेर रहा करता था। चमत्कारिक रूप से शेर ने गुफा छोड़ दी और वही स्थान बाद में विकसित होकर धारकुंडी आश्रम बन गया। स्वामी जी ने अपने अतीत की जानकारी किसी को नहीं दी। उन्हें निशानेबाजी और सेना के कोड वर्ड्स का गहरा ज्ञान था। कुल मिलाकर उनका संपूर्ण जीवन एक रहस्यमय आध्यात्मिक जीवन रहा, जिसे समझ पाना बहुत मुश्किल है।
बाबू शोभनाथ सिंह मेमोरियल ट्रस्ट, जौनपुर इकाई की काव्यगोष्ठी संपन्न
जौनपुर। बाबू शोभनाथ सिंह मेमोरियल ट्रस्ट जौनपुर इकाई द्वारा गूगल मीट के माध्यम से प्रथम काव्यगोष्ठी का आयोजन गुरुवार 5 फरवरी 2026 को राजेश पाण्डेय के संचालन में संपन्न हुआ।अध्यक्षता वरिष्ठ कवि प्रेम शंकर द्विवेदी,मुख्य अतिथि वरिष्ठ कवि विजय तिवारी रहे। कार्यक्रम की शुरुआत सुमति श्रीवास्तव द्वारा माँ सरस्वती के वंदना से हुई।दिल्ली से कवि तथा चित्रकार पंकज तिवारी ने 'एसंउ लाग बाटइ महाकुंभ अइया' के माध्यम से अवधी रचना,वरिष्ठ कवि एस. बी. उपाध्याय,सुजिता शर्मा द्वारा शानदार गीत,'कविता ही है सखी हमारी' नारी सशक्तिकरण पर बेहतरीन रचना सीमा त्रिवेदी, 'सजे सपने मनभावन से' गीत सुमति श्रीवास्तव,अनुपमा द्विवेदी,मंजू पांडेय ने 'मेरे ख्वाबों में ख्यालों में तुम ही हो',अयोध्या प्रसाद 'सखि वसंत सचमुच बौराया है',जौनपुर इकाई अध्यक्षा सीमा सिंह द्वारा 'जिंदा रहने के ख्वाहिश में बस इतना ही काफी है' के माध्यम से जिंदगी के खूबसूरत सफर एवं जटिल प्रक्रिया का बखान किया।राष्ट्रीय सचिव सत्यभामा सिंह की कविता 'मैं बना हूँ सारथी तो बात मेरी मान लो' के माध्यम से भगवान श्री कृष्ण एवं अर्जुन के संवाद को बखूबी बयां किया।मुख्य अतिथि विजय तिवारी ने 'बड़ी बात है' बड़ी ही गूढ़ कविता पढ़ीं।संचालक राजेश पाण्डेय की कविता 'मैं ही तो कारण सत्ता हूँ' बहुत पसंद की गई।अध्यक्षता कर रहे वरिष्ठ कवि प्रेम शंकर द्विवेदी ने अपने गुरुजी को याद करते हुए अपनी बेहतरीन रचनाएं पढ़ते हुए सभी की कविताओं पर समीक्षात्मक टिप्पणी भी किया।अंत में सत्यभामा द्वारा बड़े ही सहज भाव में सभी का आभार व्यक्त किया गया।