चोरी के वांछित अभियुक्त गिरफ्तार:दुर्गागंज पुलिस ने 6 चोरी के मोबाइल बरामद किए


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भदोही के ऊँज थाना क्षेत्र में पुलिस ने चोरी की दो बैटरियों के मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से चोरी की गई दोनों 'डायनेक्स' कंपनी की बैटरियां भी बरामद की हैं।

यह मामला मिर्जापुरी फिलिंग स्टेशन (जी.टी. रोड, नवधन) के मैनेजर रमेश यादव की शिकायत पर दर्ज किया गया था। रमेश यादव ने अपनी तहरीर में बताया था कि 29/30 जुलाई 2026 की रात उनके पेट्रोल पंप परिसर में खड़े एक ट्रक कंटेनर (नंबर MP 09KC4575) की दो बैटरियां चोरी हो गई थीं। ड्राइवर ने सुरक्षा के मद्देनजर ये बैटरियां निकालकर फिलिंग स्टेशन के पास रखी थीं।

प्राप्त तहरीर के आधार पर थाना ऊँज में मु0अ0सं0 083/2026 धारा 303(2) बीएनएस के तहत अभियोग पंजीकृत कर कानूनी कार्यवाही शुरू की गई थी।

पुलिस अधीक्षक भदोही अभिनव त्यागी के निर्देश और अपर पुलिस अधीक्षक शुभम अग्रवाल के पर्यवेक्षण में, थाना ऊँज पुलिस टीम ने शुक्रवार को मुखबिर की सटीक सूचना पर कार्रवाई की। टीम ने मिर्जापुरी फिलिंग स्टेशन के पास कलिंजरा नहर पुलिया के पास से दोनों शातिर चोरों को गिरफ्तार किया।

गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान करन (पुत्र राजू, उम्र करीब 29 वर्ष, निवासी ग्राम पक्का पोखरा घोसिया, थाना औराई, जनपद भदोही) और सलीम शेख (पुत्र दानिश शेख, निवासी जानकी नगर, थाना मुडाडोई, जिला वीरभूमि, पश्चिम बंगाल, हाल पता मोहल्ला मेवडापुर, थाना गोपीगंज, जिला भदोही) के रूप में हुई है।

पूछताछ में अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि उन्होंने 29/30 जुलाई 2026 की रात मिर्जापुरी फिलिंग स्टेशन, नवधन से ये पुरानी ट्रक बैटरियां चुराई थीं और उन्हें ऊँचे दामों पर बेचने की योजना बना रहे थे। पुलिस ने धारा 317(2) बीएनएस की बढ़ोतरी कर विधिक कार्यवाही के उपरांत उन्हें माननीय न्यायालय में पेश किया।

गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक भृगुनाथ यादव, हेड कांस्टेबल विकास कुमार और कांस्टेबल देवेंद्र यादव शामिल थे।
चोरी की दो बैटरियों संग दो गिरफ्तार: ऊँज पुलिस ने मिर्जापुरी फिलिंग स्टेशन से चोरी का खुलासा किया
नितेश श्रीवास्तव


भदोही। भदोही के ऊँज थाना क्षेत्र में पुलिस ने चोरी की दो बैटरियों के मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से चोरी की गई दोनों 'डायनेक्स' कंपनी की बैटरियां भी बरामद की हैं।

यह मामला मिर्जापुरी फिलिंग स्टेशन (जी.टी. रोड, नवधन) के मैनेजर रमेश यादव की शिकायत पर दर्ज किया गया था। रमेश यादव ने अपनी तहरीर में बताया था कि 29/30 जुलाई 2026 की रात उनके पेट्रोल पंप परिसर में खड़े एक ट्रक कंटेनर (नंबर MP 09KC4575) की दो बैटरियां चोरी हो गई थीं। ड्राइवर ने सुरक्षा के मद्देनजर ये बैटरियां निकालकर फिलिंग स्टेशन के पास रखी थीं।

प्राप्त तहरीर के आधार पर थाना ऊँज में मु0अ0सं0 083/2026 धारा 303(2) बीएनएस के तहत अभियोग पंजीकृत कर कानूनी कार्यवाही शुरू की गई थी।

पुलिस अधीक्षक भदोही अभिनव त्यागी के निर्देश और अपर पुलिस अधीक्षक शुभम अग्रवाल के पर्यवेक्षण में, थाना ऊँज पुलिस टीम ने शुक्रवार को मुखबिर की सटीक सूचना पर कार्रवाई की। टीम ने मिर्जापुरी फिलिंग स्टेशन के पास कलिंजरा नहर पुलिया के पास से दोनों शातिर चोरों को गिरफ्तार किया।

गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान करन (पुत्र राजू, उम्र करीब 29 वर्ष, निवासी ग्राम पक्का पोखरा घोसिया, थाना औराई, जनपद भदोही) और सलीम शेख (पुत्र दानिश शेख, निवासी जानकी नगर, थाना मुडाडोई, जिला वीरभूमि, पश्चिम बंगाल, हाल पता मोहल्ला मेवडापुर, थाना गोपीगंज, जिला भदोही) के रूप में हुई है।

पूछताछ में अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि उन्होंने 29/30 जुलाई 2026 की रात मिर्जापुरी फिलिंग स्टेशन, नवधन से ये पुरानी ट्रक बैटरियां चुराई थीं और उन्हें ऊँचे दामों पर बेचने की योजना बना रहे थे। पुलिस ने धारा 317(2) बीएनएस की बढ़ोतरी कर विधिक कार्यवाही के उपरांत उन्हें माननीय न्यायालय में पेश किया।

गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक भृगुनाथ यादव, हेड कांस्टेबल विकास कुमार और कांस्टेबल देवेंद्र यादव शामिल थे।
पूर्वांचल का ऐसा मंदिर जहां कुएं में विराजमान हैं ‘महादेव’, 15 फीट नीचे जाकर अभिषेक करते हैं श्रद्धालु

*भदोही में गंगा तट पर स्थित अनोखा शिवधाम*

*महादेव कुएं में 15 फीट नीचे विराजमान हैं।*


रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। काशी-प्रयाग के मध्य मोक्षदायिनी के तट पर विराजमान बाबा सेमराधनाथ धाम की महिमा निराली है। पूरे पूर्वांचल में ऐसा ही निराला और अनूठा शिवधाम है काशी-प्रयाग के मध्य पतित पावनी गंगा के किनारे स्थित बाबा सेमराधनाथ का धाम। यहां कुएं में विराजमान हैं देवाधिदेव महादेव। भक्तों की अटूट आस्था है तो यहां भोलेनाथ के धाम की स्थापना की कहानी भी बेहद रोचक है। धार्मिक एवं पौराणिक सेमराधनाथ मंदिर का इतिहास बहुत प्राचीन है। आजादी के पूर्व लगभग डेढ़ सौ साल पहले जब बस और ट्रेन की सुविधा नहीं थी तो व्यवसायी नाव से व्यापार करने आते थे।
इसी दौरान एक दिन एक व्यापारी नाव पर माल लादकर गंगा में आ रहा था। बीच धारा में पहुंचते ही नाव फंस गई और नाव टस से मस नहीं हो रही थी। लाख जतन के बाद कोई सफलता नहीं मिली।
उसी रात स्वप्न में भोलेनाथ ने कहा कि घमंड मत दिखा और खोदाई बंद करा दे। मेरा शिवलिंग जिस स्थान पर है वहीं स्थापित करके भव्य मंदिर निर्माण कराओ। व्यापारी ने सुबह ऐसा ही किया और वही शिवलिंग की स्थापना करवाकर नीचे पूजा पाठ करने जाने के लिए सीढ़ी बनवा दी।
इतने सालों बाद भी करीब 15 फीट नीचे जाकर भक्त भोलेनाथ की पूजा करते हैं, लेकिन कभी कोई हादसा घटित नहीं हुआ। कुएं में विराजमान बाबा सेमराधनाथ स्वयंभू हैं। मान्यता है कि यहां पर जो भी भक्त सच्चे मन से पूजा-अर्चन करता है उसकी मनोकामनाएं अवश्य पूरी होती है।



कैसे पहुंचे बाबा सेमराधनाथ धाम
यह प्राचीन मंदिर राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित जंगीगंज बाजार से आठ किमी दूर दक्षिण दिशा में गंगा तट पर स्थित है। जंगीगंज बाजार से आटोरिक्शा व अन्य सवारी वाहन सहित निजी वाहनों से आसानी से पहुंचा जा सकता है।

जीटी रोड पर स्थित चकपड़ौना से कौलापुर -सेमराध फोरलेन का निर्माण कराया गया है। इस मार्ग से भी आसानी से बाबा के दरबार में पहुंच सकते हैं। यहां सावन के अलावा प्रत्येक सोमवार को श्रद्धालु शीश झुकाते हैं।
जिलाधिकारी-पुलिस अधीक्षक ने ज्ञानपुर जेल का किया निरीक्षण:बंदियों को मिल रही सुविधाओं का जायजा लिया, समय पर सुविधा देने के निर्देश


रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिलाधिकारी शैलेष कुमार और पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी ने संयुक्त रूप से ज्ञानपुर जिला कारागार का आकस्मिक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने जेल में बंद कैदियों को सरकार द्वारा दी जा रही सुविधाओं का जायजा लिया।

निरीक्षण के दौरान, अधिकारियों ने रसोई घर, खाद्यान्न स्टोर, महिला बैरक, पुरुष बैरक और किशोर बैरक का गहनता से निरीक्षण किया। उन्होंने जेल परिसर में संचालित डिस्पेंसरी का भी जायजा लिया।

जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने जेल अधीक्षक को निर्देश दिए कि बंदियों को सरकार द्वारा प्रदत्त सभी सुविधाएं समय पर उपलब्ध कराई जाएं। उन्होंने विशेष रूप से महिला बैरक में जाकर बंदियों से सुविधाओं के बारे में जानकारी ली। अधिकारियों ने पेयजल व्यवस्था, शौचालय, साफ-सफाई का भी निरीक्षण किया और मुलाकाती पंजिका का अवलोकन किया। कारागार अधीक्षक ने अधिकारियों को पूरे कारागार का अवलोकन कराया।
32 साल में पांचवीं बार बदलेगा भदोही जिले का नाम


*30 जून 1994 में तत्कालीन मुख्यमंत्री मुलायम सिंह ने भदोही को अलग से जिला बनाया था*

नितेश श्रीवास्तव


भदोही। आगामी विधानसभा चुनाव से पहले प्रदेश सरकार एक बार फिर भदोही जिले का नाम संत रविदास नगर करने जा रही है। 32 साल में जिले का पांचवीं बार नाम बदलेगा। मखमली कालीनों के लिए विश्व प्रसिद्ध भदोही नब्बे के दशक में वाराणसी जिले की एक तहसील रही। उसी दौरान प्रदेश में छोटे जिलों की मांग तेज हुई। भदोही को भी नया जिला बनाने को लेकर विभिन्न संगठनों ने आवाज बुलंद की। एक दशक से चल रही मांग 1994 में पूरी हुई। तत्कालीन मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव ने 30 जून 1994 को भदोही को अलग जिला बनाया। वाराणसी से कटकर भदोही प्रदेश का 66वां जिला बना। पहली बार 1997 में भाजपा और बसपा की गठबंधन सरकार में भदोही का नाम बदलकर संत रविदास नगर किया गया। इसी बीच निर्यातकों की मांग पर 1999 में भाजपा के तत्कालीन मुख्यमंत्री रामप्रकाश गुप्ता ने संत रविदास नगर भदोही कर दिया था। यानी नाम के आगे भदोही लगा दिया था।

2012 में सपा की सरकार बनी और 2014 में तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने संत रविदास नगर से बदलकर भदोही कर दिया। अब भाजपा की सरकार संत रविदास नगर करने जा रही है। सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को वाराणसी से इसकी घोषणा की।भाजपा के लिए महापुरुषों का सम्मान सबसे सर्वोपरी है। सीएम योगी आदित्यनाथ ने गुरु पूर्णिमा पर एक बड़ा फैसला लेकर देश के संत का सम्मान किया है। संत शिरोमणि रविदास के नाम पर जनपद का नाम होने से वैश्विक पटल पर जिले का नाम प्रकाशित होगा। इसके लिए उत्तर प्रदेश सरकार का हार्दिक आभार। - डॉ. विनोद बिंद, सांसद, भाजपा, भदोही।

सरकार केवल नाम बदलने की राजनीति कर मुख्य मुद्दों से भटकाने का काम कर रही है। संत शिरोमणि के नाम विद्यालय समेत अन्य संस्थाएं खोलकर सम्मान दिया जा सकता है। विश्व पटल पर कालीन व्यवसाय की पहचान भदोही के नाम से है। नाम बदलने से विदेशों में भ्रम की स्थिति बनेगी। - जाहिद जमाल बेग, विधायक, सपा, भदोही।

बहन जी के फैसले को दोबारा लागू करने और संत रविदास जैसे सामाजिक न्याय के महापुरुष को सम्मान देने के इस फैसले का पार्टी स्वागत करती है। यह पूरे देश के सम्मान की बात है। बहन मायावती ने देश के शीर्ष संत को सम्मान देने के लिए काफी पहले यह फैसला लिया था, लेकिन राजनीति द्वेष से उसे बदल दिया गया था। - जय प्रकाश चौधरी, जिलाध्यक्ष, बसपा।
*गुरु रविदास जयंती पर भाजपा की समरसता यात्रा:ज्ञानपुर में जिला अध्यक्ष दीपक मिश्रा ने किया नेतृत्व*
नितेश श्रीवास्तव


भदोही। भारतीय जनता पार्टी ने संत शिरोमणि श्री गुरु रविदास महाराज की 650वीं जयंती वर्ष के अवसर पर "समरसता संकल्प कलश यात्रा" का आयोजन किया। जिला अध्यक्ष दीपक मिश्रा के नेतृत्व में यह यात्रा ज्ञानपुर बस अड्डा से शुरू होकर नगर के प्रमुख मार्गों से गुजरी और वापस बस अड्डा पर समाप्त हुई। यात्रा के दौरान जनसमूह को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष दीपक मिश्रा ने कहा कि संत गुरु रविदास महाराज का जीवन सामाजिक समरसता, समानता, सद्भाव और मानवता की सेवा का उदाहरण है। उन्होंने बताया कि उनके आदर्श आज भी समाज को एकजुट कर राष्ट्र निर्माण की प्रेरणा देते हैं। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष अनिरुद्ध त्रिपाठी और औराई विधायक दीनानाथ भास्कर विशेष रूप से उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संयोजन भाजपा के वरिष्ठ नेता नागेंद्र सिंह ने किया।
कार्यक्रम का समापन सामाजिक समरसता, राष्ट्रसेवा और संत गुरु रविदास महाराज के बताए मार्ग पर चलने के सामूहिक संकल्प के साथ हुआ। यात्रा में प्रमुख रूप से पूर्व जिला अध्यक्ष संतोष पांडेय, हौसला पाठक, ओमप्रकाश तिवारी (टंकी गुरु), ओमप्रकाश पांडेय, शैलेंद्र दुबे, पूर्व जिला महामंत्री रमेश पांडेय, जिला महामंत्री अखिलेंद्र सिंह बघेल, राजेश पटेल, जिला मीडिया प्रभारी नागेंद्र नाथ मिश्रा 'नवीन', राजेंद्र दुबे, प्रदीप सिंह, सुरेंद्र पांडेय, गोरेलाल पांडेय, चंदूलाल चंद्राकर, जिला उपाध्यक्ष विमल मिश्रा, मनीषा अम्बष्ट, गोवर्धन राय, प्रियंका जायसवाल, बृजेश गुप्ता, फूलचंद पंकज, सपना दुबे, जिला मंत्री वेद मौर्य, पवन दुबे, योगेंद्र सिंह, रमेश सोनकर, जिला सोशल मीडिया प्रभारी सरिता बिंद, अखिलेश तिवारी, जिला मीडिया सह प्रभारी सौरभ मालवीय, स्नेहलता श्रीवास्तव, राज यादव, स्वरूप बिंद, चंद्रशेखर सिंह, सत्यशील गुप्ता, चंदन पांडेय, लालमणि मिश्रा, छत्रपति सिंह और रमेश पासी उपस्थित रहे।
विकास की सड़क बनी,नाली रास्ते में छुट गई

*एक दिन की बारिश के बाद ग्रामीणों बाजारों में हफ्तों तक लग रहा पानी, दुकानदार के साथ लोग परेशान*

नितेश श्रीवास्तव


भदोही। जिले के ग्रामीण बाजारों में पानी निकासी का इंतजाम न होने से बारिश के बाद चार से पांच दिनों तक जलभराव बना रहता है। बाजारों में व्यापारियों की दुकानों के सामने हफ्तों तक जमा पानी एक ओर बीमारियों को न्योता दे रहा है, वहीं दूसरी ओर व्यापारियों के कारोबार को भी प्रभावित कर रहा है। जिले के प्रमुख बाजारों में औसतन छह से आठ हजार लोग खरीदारी के लिए पहुंचते हैं। जिम्मेदारों की उदासीनता से ग्रामीण बाजारों की तस्वीर लगातार खराब हो रही है।जिले में कुल 546 ग्राम पंचायतें हैं। इनमें सात निकायों के अलावा बाबूसराय, महाराजगंज, देवनाथपुर, सर्रोई, चौरी, मोढ़, महजूदा, पाली, नागमलपुर, कोईरौना और सीतामढ़ी जैसे अनेक ग्रामीण बाजार हैं। इन बाजारों पर आसपास के गांवों की अर्थव्यवस्था टिकी हुई है। मुख्य बाजारों से दूर बसे इन बाजारों में हर दिन औसतन आठ से 10 हजार लोग खरीदारी के लिए पहुंचते हैं, लेकिन सुविधाओं के अभाव में व्यापारियों के साथ ग्राहकों को भी परेशानी होती है।

बारिश के दिनों में इन बाजारों की स्थिति और खराब हो जाती है। मुख्य सड़कों के किनारे बसे इन बाजारों में नालियों का निर्माण न होने के कारण हल्की बारिश में ही सड़क के दोनों ओर पानी भर जाता है। यह पानी हफ्ते भर से अधिक समय तक जमा रहता है, जिससे व्यापार प्रभावित होता है।

नाली का प्रस्ताव, लेकिन बनाते नहीं जिम्मेदार
जिले की मुख्य सड़कों के किनारे बसे इन बाजारों में सड़क निर्माण के दौरान नाली का प्रस्ताव भी शामिल होता है, लेकिन नाली का निर्माण नहीं हो पाता। कुछ दिन पहले ज्ञानपुर-भदोही मार्ग के चौड़ीकरण का प्रस्ताव आया। चौड़ीकरण में देवनाथपुर और ज्ञानपुर के पटेल नगर में नाली निर्माण का भी प्रस्ताव है, लेकिन अब तक नाली नहीं बन सकी है। इसी तरह सुरियावां-पाली मार्ग स्थित महजूदा बाजार में पटरी का निर्माण नहीं किया गया, जिससे बारिश होते ही चारों ओर पानी भर गया।

देवनाथपुर बाजार
भदोही-ज्ञानपुर मार्ग स्थित देवनाथपुर बाजार में बारिश का मौसम शुरू होने के साथ ही पानी भर जाता है। नाली न होने से सड़क के दोनों ओर और बीच सड़क तक पानी भरता है। इससे राहगीरों को परेशानी होती है और व्यापार भी प्रभावित हो रहा है।
कोईरौना बाजार
यह सीतामढ़ी धार्मिक पर्यटनस्थल जाने का मार्ग है। यहां वर्षभर पानी जमा रहने की समस्या बनी रहती है। बारिश के दिनों में सड़क डूब जाती है। दुकानों के सामने और बीच सड़क पर पानी भरने से सड़क भी खराब हो गई है।
नागमलपुर व पाली बाजार
दुर्गागंज-ज्ञानपुर मार्ग के ये दोनों प्रमुख बाजार हैं। यहां एक दिन बारिश होने पर तीन से चार दिनों तक पानी भरा रहता है। एक सप्ताह पहले हुई बारिश के बाद भी दोनों बाजारों में अब तक पानी जमा है।

मेरी चिकित्सा की दुकान है। बारिश के दौरान दुकान के सामने घुटने भर पानी लगा रहता है, लेकिन जिम्मेदारों को इसकी खबर तक नहीं होती। पूरे बाजार में पानी भरने से बीमारी और दुश्वारियां दोनों बढ़ जाती हैं। - ओमप्रकाश मौर्या, देवनाथपुर


यह सीतामढ़ी जाने का मार्ग है। अक्सर अधिकारी और नेता इस रास्ते से गुजरते हैं, लेकिन इस प्रमुख बाजार की दुर्दशा से अब तक निजात नहीं मिल सकी है। नाली का इंतजाम भी नाकाफी है। - देवी प्रसाद यादव, कोईरौना


ग्रामीण बाजार जो सड़क के किनारे है। वहां पीडब्ल्यूडी की नाली बनाई जानी है। वहां अभी सड़क का निर्माण चल रहा है। जिससे नाली नहीं बन सकी है। वहीं जिन ग्रामीणों बाजारों में ग्राम पंचायत से निकासी के इंतजाम कराने है। वहां की रिपोर्ट मंगाई जाएगी व प्राथमिकता पर समस्या का समाधान कराया जाएगा।

सपना अवस्थी डीपीआरओ
नए यूनिफार्म में नजर आएंगे रसोइयां, भेजी गई सहायता राशि

बेसिक शिक्षा विभाग से एक - एक रसोइयों के खाते में 500 रुपए जारी


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिले के परिषदीय विद्यालयों में एमडीएम बनाने के लिए कार्यरत रसोइयां नए यूनिफार्म में दिखेंगे। शैक्षिक सत्र में वस्त्र खरीदने के लिए अनुदान राशि जारी कर दी है। बेसिक शिक्षा विभाग ने पैसा भेजने के बाद महिलाओं को भूरे रंग की साड़ी और पुरुषों को शर्ट-पैंट खरीदने का निर्देश दिया। बिना ड्रेस कोड के विद्यालय आने पर कार्रवाई होगी।जिले में 885 प्राथमिक, पूर्व माध्यमिक और कंपोजिट विद्यालय संचालित है। जिसमें एक लाख 33 हजार बच्चे पंजीकृत हैं। बच्चों को दोपहर में पका-पकाया भोजन दिया जाता है। मध्याह्न भोजन बनाने के लिए सभी विद्यालयों में दो से लेकर चार रसोइयां रखे गए हैं। 2024 से रसोइयों के लिए भी ड्रेस कोड लागू किया है। कत्थई रंग की साड़ी और शर्ट पहनकर ही वह खाना बनाने के लिए आएंगे। इसके लिए हर साल उनको 500 रुपये का अनुदान दिया जाता है। जून में उक्त धनराशि मिलने के बाद बेसिक शिक्षा विभाग 2800 रसोइयों को नया यूनिफार्म खरीदने के लिए पैसा जारी कर दिया है। जिला समन्वयक एमडीएम सौरभ सिंह का कहना कि रसोइयों को परिधान क्रय करने के लिए निर्धारित अनुदान राशि शासन से मिल चुकी है। 2800 रसोइयां के खाते में कुल 13 लाख भेजा गया है।

साफ-सफाई और उपकरण के लिए 923 स्कूलों को भेजा पैसा
जिला समन्वयक एमडीएम सौरभ सिंह ने बताया कि 923 परिषदीय एवं वित्तपोषित विद्यालयों में साफ-सफाई और उपकरण खरीदने के लिए 700-700 रुपये भेजा गया है। उन्होंने बताया कि बच्चों के खाना आदि पकाने के दौरान कई बर्तन खराब हो जाते हैं। जिससे समस्याएं होती हैं। उसके खरीद के लिए भी पैसा जारी किया है।
स्वर्गीय शैल अम्बष्ट की 17वीं पुण्यतिथि: ज्ञानपुर में 200 असहाय लोगों को राशन वितरित
रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। ज्ञानपुर के वार्ड नंबर 9 बालीपुर स्थित अम्बष्ट के निजी निवास पर बुधवार को स्वर्गीय शैल अम्बष्ट की 17वीं पुण्यतिथि मनाई गई। इस अवसर पर 200 असहाय लोगों को राशन वितरित किया गया।
मनोज अम्बष्ट ने बताया कि यह कार्यक्रम उनकी बड़ी भाभी स्वर्गीय शैल अम्बष्ट की स्मृति में आयोजित किया गया। उन्होंने जानकारी दी कि वे वर्ष 2010 से हर साल 29 जुलाई को गरीबों में राशन वितरित करने का यह पुनीत कार्य करते आ रहे हैं।
मनोज अम्बष्ट के अनुसार, गरीबों को अन्न वितरित कर वे उनका सहयोग करते हैं और इसे सबसे बड़ी सेवा मानते हैं। कार्यक्रम की शुरुआत स्वर्गीय शैल अम्बष्ट के चित्र पर फूल अर्पित कर श्रद्धा सुमन अर्पित करने के साथ हुई।
श्रद्धांजलि के बाद उपस्थित लोगों में राशन का वितरण किया गया। इस मौके पर नितिन सोम, हर्षित, सुनीता, खुशबू, अंजना, जितेंद्र सिंह और कलम सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
सपा कार्यालय में महाराजा दक्ष जयंती मनाई गई: नेताओं ने उन्हें भारतीय संस्कृति का प्रेरणा स्रोत बताया

नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिला कार्यालय, कंसापुर, ज्ञानपुर में श्रद्धापूर्वक मनाई गई। इस अवसर पर पार्टी नेताओं ने महाराजा दक्ष को भारतीय संस्कृति, सामाजिक समरसता और कर्मप्रधान जीवन का प्रेरणास्रोत बताया।

जिलाध्यक्ष प्रदीप यादव ने कहा कि महाराजा दक्ष के आदर्श समाज को एकता, सद्भाव, परिश्रम और सामाजिक न्याय का संदेश देते हैं। उन्होंने वर्तमान समय में उनके विचारों को आत्मसात कर समाज में भाईचारा और समानता मजबूत करने की आवश्यकता पर जोर दिया। यादव ने यह भी कहा कि महाराजा दक्ष प्रजापति के जीवन से प्रेरणा लेकर समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास और सम्मान पहुंचाने का संकल्प लेना चाहिए।

इस दौरान जिलाध्यक्ष प्रदीप यादव ने विधायक के साथ हुए दुर्व्यवहार की निंदा भी की। उन्होंने छात्रों पर दर्ज आपराधिक मुकदमों को वापस लेने की मांग भी उठाई।

इस अवसर पर विधायक जाहिद बेग, ह्रदय नारायण प्रजापति, विकास यादव, आरिफ सिद्दीकी, शैलेश सिंह मंटु, कल्लन यादव, सन्तोष यादव, अंजनी शुक्ल, लालचन्द बिंद, केशनारायण यादव, राजेन्द्र दुबे, रिता बर्मा, सरिता बिंद, रोहित तिवारी, सलाउद्दीन अंसारी, कमला महतो, राधेश्याम यादव, जिला कार्यालय प्रभारी गामाप्रसाद यादव और जिला मीडिया प्रभारी धर्मेन्द्र कुमार मिश्र पप्पू सहित कई नेता व कार्यकर्ता मौजूद रहे।