हर मंगलवार अंचलों में जनता दरबार: 21 अप्रैल को 602+ आवेदनों का ऑन-द-स्पॉट निष्पादन

जिला दंडाधिकारी सह उपायुक्त राँची श्री मंजूनाथ भजन्त्री के कुशल नेतृत्व में राँची जिले में आमजन की समस्याओं के त्वरित एवं पारदर्शी समाधान के लिए जनता दरबार का नियमित आयोजन किया जा रहा है। श्री मंजूनाथ भजन्त्री स्वयं हर सोमवार को समाहरणालय स्थित अपने कार्यालय कक्ष में जनता दरबार का आयोजन करते हैं, जिसमें जिले के ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों से बड़ी संख्या में आम नागरिक अपनी शिकायतें एवं समस्याएं लेकर पहुंचते हैं। उनके दिशा-निर्देश पर हर मंगलवार को राँची जिले के सभी अंचलों में अंचल स्तरीय जनता दरबार लगाए जा रहे हैं।

इस पहल से प्रशासन जनता के द्वार तक पहुंच रहा है और समस्याओं का मौके पर ही निपटारा संभव हो पा रहा है।जनता दरबार में मुख्य रूप से भूमि विवाद, राजस्व संबंधी मामले, दाखिल-खारिज, सरकारी योजनाओं का लाभ, जल-बिजली-सड़क जैसी आधारभूत सुविधाएं, पेंशन, सामाजिक सुरक्षा योजनाएं, आवास योजना तथा अन्य विभागीय शिकायतें उठाई जा रही हैं। उपायुक्त श्री भजन्त्री एक-एक फरियादी की समस्या ध्यानपूर्वक सुनते हैं और संबंधित अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश देते हैं। कई मामलों में ऑन-द-स्पॉट समाधान भी किया जा रहा है।श्री मंजूनाथ भजन्त्री ने स्पष्ट रूप से कहा है कि जनता दरबार आम लोगों की समस्याओं के समाधान का सशक्त माध्यम है। उन्होंने अधिकारियों एवं कर्मचारियों को चेतावनी दी है कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि जनता दरबार में कोई पुरानी शिकायत दोहराई जाती है तो संबंधित कर्मचारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सभी अंचल अधिकारियों को निर्देश दिया है कि प्राप्त आवेदनों का समयबद्ध निष्पादन सुनिश्चित किया जाए और आम नागरिकों को संवेदनशील एवं जवाबदेह प्रशासन उपलब्ध कराया जाए।

इस निरंतर प्रयास से राँची जिले में प्रशासनिक पारदर्शिता बढ़ी है और जनता में प्रशासन के प्रति विश्वास मजबूत हुआ है। जिला प्रशासन का प्रयास है कि हर नागरिक को न्याय और सुविधाएं समय पर मिलें तथा कोई भी व्यक्ति अपनी समस्या लेकर बिना सहारे के न रहे।

जिला दंडाधिकारी सह उपायुक्त राँची श्री मंजूनाथ भजन्त्री के दिशा-निर्देश पर राँची जिले के सभी अंचलों में हर मंगलवार को आयोजित जनता दरबार में आमजन की समस्याओं का तेजी से निराकरण हो रहा है। आज दिनांक 21 अप्रैल 2026 को जनता दरबार में मुख्य रूप से आवासीय प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र, दाखिल-खारिज, पंजी-II सुधार, पारिवारिक सदस्यता, तत्काल प्रमाण पत्र, जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, सर्वजन पेंशन, CNT एक्ट की धारा 46 के अंतर्गत अनुमति तथा अन्य राजस्व संबंधी मामलों का निपटारा किया गया।

अंचलवार निष्पादित आवेदनों का विवरण निम्नलिखित है:

अंचल कार्यालय, ईटकी: कुल 61 आवेदन निष्पादित

आवासीय प्रमाण पत्र – 09, जाति प्रमाण पत्र – 36, आय प्रमाण पत्र – 13, KCC – 01, छोटानागपुर कास्तकारी अधिनियम 1908 की धारा 46 के अंतर्गत अनुमति – 02

अंचल कार्यालय, राहे:

कुल 60 आवेदन निष्पादित

जमाबंदी की प्रविष्टि – 01, पारिवारिक सदस्यता – 04, आय प्रमाण पत्र – 15, आवासीय प्रमाण पत्र – 15, जाति प्रमाण पत्र – 20, पंजी-2 सुधार – 04, दाखिल-खारिज – 01

अंचल कार्यालय, सोनाहातु:

कुल 63 आवेदन निष्पादित

आवासीय प्रमाण पत्र – 19, जाति प्रमाण पत्र – 16, आय प्रमाण पत्र – 22, पारिवारिक सदस्यता – 02, तत्काल आय प्रमाण पत्र – 03, तत्काल जाति प्रमाण पत्र – 01

इसके अतिरिक्त, ग्राम बरेन्दा के आवेदक श्री अतुल प्रसाद महतो को वज्रपात से मृत हुए 2 पशुओं का निर्धारित मुआवजा राशि 50,000 रुपये प्रदान किया गया।

अंचल कार्यालय, चान्हो:

कुल 107 आवेदन निष्पादित

दाखिल-खारिज शुद्धि पत्र – 03, पंजी-II सुधार (बसुधा) – 02, DCLR आवेदन (नामान्तरण शुद्धि पत्र में जाति सुधार) – 01, जाति प्रमाण पत्र – 56, आय प्रमाण पत्र – 16, आवासीय प्रमाण पत्र – 08, तत्काल आवेदन – 12, नकल – 04, पारिवारिक सदस्यता प्रमाण पत्र – 04

अंचल कार्यालय, सिल्ली:

कुल 55 आवेदन निष्पादित

तत्काल (जाति, आय, आवासीय) – 01, आचरण प्रमाण पत्र – 01, आवासीय प्रमाण पत्र – 13, जाति प्रमाण पत्र – 11, आय प्रमाण पत्र – 23, पंजी-II सुधार – 06

अंचल कार्यालय, मांडर:

कुल 102 आवेदन निष्पादित

आवासीय प्रमाण पत्र – 39, जाति प्रमाण पत्र – 20, आय प्रमाण पत्र – 10, पारिवारिक सदस्यता – 01, दाखिल-खारिज – 04, सुधार (बसुधा) – 03, सर्वजन पेंशन – 18, परमिशन – 07, KCC – 01

प्रखंड सह अंचल कार्यालय, रातु:

कुल 164 आवेदन निष्पादित

दाखिल-खारिज – 30, LRDC अपील दाखिल-खारिज – 01, ऑनलाइन सुधार – 12, जाति प्रमाण पत्र – 07, आवासीय प्रमाण पत्र – 33, आय प्रमाण पत्र – 40, पारिवारिक सूची – 01, नकल – 01, जाति-आवासीय सत्यापन – 01, धारा 46 CNT परमिशन – 03, भूमि सीमांकन – 03, जन्म प्रमाण पत्र – 25, सर्वजन पेंशन – 07

अंचल का नाम- खलारी

(1) निष्पादित आवेदन- 61

(2) आवासीय प्रमाण पत्र- 18

(3) जाति प्रमाण पत्र- 10

(4) आय प्रमाण पत्र- 24

(5) पारिवारिक सदस्यता- 01

(6) दाखिल-ख़ारिज- 00

(7) सुधार वशुधा- 01

(8) अन्य - 07

निष्पादित आवेदन की कुल संख्या- 61

अंचल कार्यालय का नाम - अंचल कार्यालय, बेड़ो (राँची)।

(1) दाखिल खारिज - 08

(2) सीमांकन - 00

(3) पंजी 2 सूधार – 02

(4) लगान निर्गत - 02

(5) तत्काल आवेदन - 13

(6) आवासीय प्रमाण पत्र - 65

(7) जाति प्रमाण पत्र - 32

(8) आय प्रमाण पत्र - 58

(9) पारिवारिक सदस्यता - 7

(10) किसान क्रेडिट कार्ड सत्यापन - 4

*निष्पादित आवेदन की कुल संख्या- 191

जिला दंडाधिकारी सह उपायुक्त राँची श्री मंजूनाथ भजन्त्री के दिशा-निर्देश पर राँची जिले के सभी अंचलों में हर मंगलवार को आयोजित जनता दरबार में आमजन की समस्याओं का तेजी से निराकरण हो रहा है। आज दिनांक 21 अप्रैल 2026 को छह अंचलों — ईटकी, राहे, सोनाहातु, चान्हो, सिल्ली एवं मांडर तथा प्रखंड सह अंचल कार्यालय रातु में कुल 602 से अधिक आवेदनों का निष्पादन किया गया। जनता दरबार में मुख्य रूप से आवासीय प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र, दाखिल-खारिज, पंजी-II सुधार, पारिवारिक सदस्यता, तत्काल प्रमाण पत्र, जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, सर्वजन पेंशन, CNT एक्ट की धारा 46 के अंतर्गत अनुमति तथा अन्य राजस्व संबंधी मामलों का निपटारा किया गया।

SIR और जनगणना पर झामुमो अलर्ट: हेमंत सोरेन ने बूथ से जिला तक संगठन मजबूत करने का दिया निर्देश

झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) ने राज्य की मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों को देखते हुए संगठन को बूथ स्तर से लेकर जिला स्तर तक मजबूत करने की दिशा में पहल तेज कर दी है। मंगलवार को रांची स्थित मुख्यमंत्री आवास पर पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष सह मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में झामुमो परिवार के वरिष्ठ नेताओं और पार्टी पदाधिकारियों की महत्वपूर्ण बैठक हुई। बैठक में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और आगामी जनगणना जैसे अहम मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की गई।

दो दिवसीय बैठक के पहले दिन राज्य के 12 जिलों से आए संगठन के चुनिंदा पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया। बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि वर्तमान राजनीतिक हालात में संगठन की जिम्मेदारी पहले से अधिक बढ़ गई है। उन्होंने बूथ, पंचायत, वार्ड, प्रखंड और जिला स्तर पर पार्टी ढांचे को और सशक्त बनाने का निर्देश दिया, ताकि पार्टी हर स्तर पर प्रभावी भूमिका निभा सके।

मुख्यमंत्री ने नगर और महानगर कमेटियों को भी और सक्रिय तथा धारदार बनाने पर बल दिया। उनका कहना था कि बदलते राजनीतिक परिदृश्य में केवल सरकार चलाने जितना ही संगठन की मजबूती भी जरूरी है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से जनता के बीच लगातार सक्रिय रहने और सरकार की योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का आह्वान किया।

बैठक में देश में प्रस्तावित जनगणना के विभिन्न पहलुओं पर भी चर्चा हुई। नेताओं ने माना कि जनगणना केवल आंकड़ों का विषय नहीं, बल्कि सामाजिक और राजनीतिक प्रतिनिधित्व से भी जुड़ा महत्वपूर्ण मुद्दा है। पार्टी नेताओं ने इस बात पर जोर दिया कि झारखंड के आदिवासी, मूलवासी, पिछड़े और वंचित समाज की सही गणना सुनिश्चित करना जरूरी है, ताकि उनके अधिकार सुरक्षित रह सकें।

इसके साथ ही SIR को लेकर भी बैठक में गंभीर मंथन हुआ। पार्टी नेताओं ने आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी इस प्रक्रिया की आड़ में राजनीतिक लाभ लेने की कोशिश कर सकती है। झामुमो नेताओं ने संकल्प लिया कि SIR के नाम पर किसी भी लोकतांत्रिक अधिकार से जनता को वंचित नहीं होने दिया जाएगा और भाजपा के किसी भी षड्यंत्र को सफल नहीं होने दिया जाएगा।

बैठक में यह भी तय किया गया कि आने वाले दिनों में संगठन स्तर पर विशेष अभियान चलाकर कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया जाएगा, ताकि वे मतदाता सूची, जनगणना और अन्य संवेदनशील मुद्दों पर लोगों को जागरूक कर सकें। झामुमो ने संकेत दिया है कि वह आने वाले समय में संगठन और जनसरोकार दोनों मोर्चों पर अधिक आक्रामक भूमिका में नजर आएगी।

पहले दिन बैठक में साहेबगंज, दुमका, गोड्डा, पाकुड़, देवघर, जामताड़ा, पश्चिम सिंहभूम, सरायकेला-खरसावां, लोहरदगा, गुमला, खुंटी, सिमडेगा जिला समिति के चुनिंदा पदाधिकारी कार्यकर्ता मौजूद रहे। दूसरे दिन गुरुवार को अन्य 12 जिलों के चुनिंदा पदाधिकारियों के साथ विचार विमर्श किया जाएगा।

राजधानी रांची स्थित मुख्यमंत्री आवास में पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष सह राज्य के मुख्यमंत्री माननीय श्री हेमंत सोरेन जी की अध्यक्षता में आज पार्टी की अति महत्वपूर्ण बैठक सम्पन्न हुई। बैठक के दौरान मंच संचालन केंद्रीय महासचिव सह प्रवक्ता श्री विनोद कुमार पांडेय जी ने किया। बैठक में मंच पर राजमहल सांसद श्री विजय हांसदा, महेशपुर विधायक प्रो. स्टीफन मरांडी, लिट्टीपाड़ा विधायक हेमलाल मुर्मू, केंद्रीय सचिव सह प्रवक्ता पंकज मिश्रा मौजूद रहे।

सीएम हेमन्त सोरेन ने 62 CDPO और 237 महिला पर्यवेक्षिकाओं को सौंपे नियुक्ति पत्र, कहा- कुपोषण मुक्त झारखण्ड बनाना प्राथमिकता

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि लम्बे अर्से बाद आज बड़े पैमाने पर बाल विकास परियोजना पदाधिकारी एवं महिला पर्यवेक्षिकाओं के पद पर नियुक्ति होना राज्य के लिए गर्व का क्षण है। महिलाएं आज अपने पैरों पर खड़ी होकर न केवल अपने परिवार बल्कि समाज और राज्य के विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। मुझे विश्वास है कि नव-नियुक्त महिलाएं पूरी निष्ठा और संवेदनशीलता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के समग्र विकास में सरकार द्वारा नियमित नियुक्तियों के साथ-साथ अनुबंध सहित कई तरह से अलग-अलग वर्गों में कर्मियों की नियुक्तियां होती है जो सरकार के कार्यों को गति देने का काम करते हैं, आज की नियुक्ति का मुख्य उद्देश्य महिलाओं के इर्द-गिर्द होने वाले विषयों को ध्यान में रखकर की गई है।

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन आज झारखंड मंत्रालय में आयोजित महिला, बाल विकास एवं सामाजिक सुरक्षा विभाग अंतर्गत नव नियुक्त बाल विकास परियोजना पदाधिकारी एवं महिला पर्यवेक्षिकाओं का नियुक्ति पत्र वितरण समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने चयनित नव नियुक्त अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र सौंपते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की तथा उन्हें अपनी ओर से हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी।

कुपोषण मुक्त झारखण्ड के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि राज्य में अभी भी बड़ी संख्या में बच्चे कुपोषण के शिकार होते हैं। आज के दिन सभी नियुक्त कर्मी मिलकर कुपोषण जैसी गंभीर समस्या को जड़ से समाप्त करने का संकल्प लें। समाज के भीतर कुपोषण एक श्राप है। राज्य से कुपोषण को समाप्त करना बहुत जरूरी है, यदि समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो यह जीवनभर की चुनौती बन सकती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि कुपोषण मुक्त झारखंड बनाने में आप सभी नवनियुक्त कर्मियों की जिम्मेदारी बहुत ही अहम होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड प्रदेश एक आदिवासी बहुल राज्य है जहां गरीब, पिछड़े तथा जरूरतमंद लोग रहते हैं। यहां की महिलाओं के अंदर अपनी शारीरिक समस्याओं से संबंधित छोटी-छोटी बातों को नहीं बताने की प्रवृत्ति होती है यही वजह है कि छोटी-छोटी समस्याएं भी कभी-कभी महिलाओं के लिए घातक साबित होती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि महिलाओं की समस्याओं का निराकरण का जिम्मा अब आप सभी के कंधों पर होगा। स्वस्थ और निरोगी समाज का निर्माण आपके प्रयास पर निर्भर होगी। राज्य में महिलाओं की आवश्यक जरूरतों को उन तक पहुंचाना हम सभी का नैतिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार यहां के लोगों के भीतर बौद्धिक विकास में वृद्धि हो इस निमित्त कई कार्य कर रही है। विकास की राह में खड़े अंतिम पायदान के व्यक्ति तक सरकार की योजनाओं को पहुंचाना हमारी प्राथमिकता है। जब हम सभी लोग मिलकर अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन पूरी तत्परता के साथ करेंगे तब निश्चित रूप से इस राज्य की दिशा और दशा बदलते देर नहीं लगेगी।

दूरदराज क्षेत्रों तक योजनाओं की पहुंच सुनिश्चित करें

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि राज्य के कई दुर्गम क्षेत्रों में आज भी बुनियादी सुविधाओं का अभाव है। ऐसे क्षेत्रों तक सरकारी योजनाओं और सेवाओं को पहुँचाना हम सभी की प्राथमिकता होनी चाहिए, मजबूत इच्छाशक्ति से हर बाधा को पार किया जा सकता है और सरकार इस दिशा में आप सभी को हर संभव सहयोग प्रदान करेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के सुदूर क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के चेहरे पर मुस्कान हो इसके लिए हम सभी को एक बेहतर वातावरण बनाने की आवश्यकता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि एक स्वस्थ, बेहतर और विकसित समाज की परिकल्पना किसी एक व्यक्ति के प्रयास से नहीं बल्कि सामूहिक प्रयास से ही संभव हो पाएगा।

पारदर्शिता और जवाबदेही

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच बेहतर समन्वय और कनेक्टिविटी बनाए रखने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि जहाँ समन्वय कमजोर होता है, वहाँ अनियमितताओं की संभावना बढ़ जाती है। विभाग आंगनबाड़ी सेविकाओं, सीडीपीओ एवं महिला पर्यवेक्षिकाओं के कार्यों का नियमित मूल्यांकन करे तथा उत्कृष्ट कार्य करने वालों को प्रोत्साहित किया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि आम जनता और सरकार के कर्मियों के बीच बेहतर तालमेल और समन्वय बहुत ही जरूरी है। बेहतर कनेक्टिविटी बनाकर ही ग्रामीण तथा शहरी क्षेत्र में हम अधिक से अधिक योजनाओं को आम जनमानस तक पहुंचा पाएंगे, यही कारण है कि महिला, बाल विकास एवं सामाजिक सुरक्षा विभाग से जुड़ी प्रखंड एवं ग्रामीण स्तरीय महिला कर्मियों को मोबाइल फोन एवं टैब प्रदान किए गए हैं ताकि हमेशा कनेक्टिविटी बनी रहे।

सरकार का अभिन्न अंग बनकर निभाएं जिम्मेदारी

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि आज से सभी नव-नियुक्त कर्मी सरकार का अभिन्न हिस्सा बन गए हैं। आप अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन पूरी ईमानदारी, संवेदनशीलता और समर्पण के साथ करें। सरकार कर्मचारियों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए निरंतर प्रयासरत रहेगी और भविष्य में और भी सशक्त कार्यक्रम लागू किए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि आपके योगदान से झारखण्ड एक स्वस्थ, सशक्त और विकसित राज्य के रूप में आगे बढ़ेगा।

इस अवसर पर मंत्री श्री राधाकृष्ण किशोर, मुख्य सचिव श्री अविनाश कुमार, सचिव, महिला, बाल विकास एवं सामाजिक सुरक्षा विभाग श्री उमा शंकर सिंह, निदेशक श्रीमती किरण कुमार पासी सहित संबंधित विभाग के अन्य पदाधिकारीगण एवं नवनियुक्त अभ्यर्थी तथा उनके परिजन बड़ी संख्या में उपस्थित थे।

बढ़ती गर्मी का असर, राँची के स्कूलों का बदला समय: उपायुक्त श्री मंजूनाथ भजंत्री ने दिया सख्त निर्देश।

गर्मी के बढ़ते प्रभाव को दृष्टिगत रखते हुए स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग, झारखण्ड सरकार द्वारा स्कूलों के समय सारणी में बदलाव का आदेश दिया गया है।

राज्य सरकार के निदेश के आलोक में जिला दंडाधिकारी-सह-उपायुक्त, रांची श्री मंजूनाथ भजंत्री द्वारा जिले में संचालित सभी कोटि के सरकारी, गैर-सरकारी सहायता प्राप्त/गैर सहायता प्राप्त (अल्पसंख्यक सहित) एवं

निजी विद्यालयों में वर्ग KG से कक्षा-8 की कक्षाएं सुबह 7ः00 बजे से 11ः30 बजे तक एवं वर्ग 09 से वर्ग 12 तक की कक्षाएँ सुबह 07ः00 बजे से 12ः00 मध्याह्न तक संचालित करने का निदेश दिया गया है।

साथ ही सभी कोटि के सरकारी विद्यालयों में कार्यरत शिक्षक एवं शिक्षकेत्तर कर्मियों को शेष समय (प्रातः 7:00 बजे से अपराह्न 1:00 तक) गैर शैक्षणिक कार्यों का निष्पादन करने का निर्देश दिया गया है।

देवघर पहुंचे बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी: बाबा मंदिर और बासुकीनाथ धाम में मत्था टेका, मांगा खुशहाली का आशीर्वाद।

बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी रविवार दोपहर बाद हेलीकॉप्टर से देवघर पहुंचे. देवघर एयरपोर्ट पर उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया. यहां से मुख्यमंत्री सीधे बाबा बैद्यनाथ मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने विधिवत पूजा-अर्चना की. मंदिर परिसर में तीर्थ पुरोहितों ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ उनका संकल्प कराया. मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर पूरे शहर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे. प्रमुख मार्गों पर पुलिस बल की तैनाती की गई थी और यातायात व्यवस्था को नियंत्रित किया गया.

बाबा बासुकीनाथ के दरबार भी गए सम्राट चौधरी

बाबा बैद्यनाथ मंदिर में पूजा के बाद मुख्यमंत्री बाबा बासुकीनाथ मंदिर गए. इसके बाद वे देवघर लौटकर आएंगे और देवघर सर्किट हाउस में विश्राम करेंगे. अपने निर्धारित कार्यक्रम के तहत मुख्यमंत्री देवघर स्थित मैहर गार्डन में आयोजित एक निजी समारोह में भी शामिल होंगे. कार्यक्रम के समापन के बाद वे पटना के लिए रवाना हो जाएंगे.

मंदिर में पूजा के उपरांत मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि उन्होंने बिहार की जनता की सुख-समृद्धि और राज्य के निरंतर विकास के लिए बाबा बैद्यनाथ से प्रार्थना की है. उन्होंने कहा कि वे बिहार की उन्नति और खुशहाली की कामना लेकर बाबा की शरण में आए हैं.

नारी सुरक्षा से कोई समझौता नहीं, दोषियों को मिले फांसी : आदित्य साहू

वर्तमान में RIMS की डेंटल छात्रा के साथ हुए सामूहिक बलात्कार की घटना से राजधानी सहित पूरा राज्य उबल रहा है। पूरे राज्य में महिला अपराध में अप्रत्याशित रूप से वृद्धि हुई है। हेमंत सरकार में ध्वस्त कानून व्यवस्था के खिलाफ भाजपा पूरी तरह आक्रामक दिख रही है। इस मामले को लेकर भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा, रांची महानगर, पूर्वी एवं पश्चिमी जिला के द्वारा लगातार आक्रोश प्रदर्शन आयोजित किया जा रहा है। भारतीय जनता पार्टी ने इस मामले को लेकर 19 और 20 अप्रैल को आंदोलन की रूपरेखा तैयार किया है।

इस संबंध में प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने कहा कि रांची के कोतवाली थाना क्षेत्र में तीन साल की मासूम बच्ची के साथ हुई दरिंदगी और रांची की डेंटल छात्रा के साथ हुई सामूहिक दुष्कर्म की घटना हेमंत सरकार की कानून व्यवस्था का भयावह चेहरा दिखाती है। यह केवल अपराध नहीं, बल्कि मानवता को शर्मसार करने वाली घटनाएं हैं। जब एक के बाद एक बेटियों को निशाना बनाया जा रहा है।

श्री साहू ने कहा कि प्रदेश में लगातार इस प्रकार की घटनाएं घट रही हैं। 3 वर्ष की बच्ची तक को भी अपराधी नहीं बख्श रहे हैं। राज्य सरकार अगर इस प्रकार की घटनाओं में प्रारंभिक दौर में ही कड़ाई से पेश आती तो शायद अपराधियों का दुस्साहस इतना नहीं बढ़ता और इस प्रकार की स्थिति की नौबत नहीं आती। हेमंत सोरेन के दोनों कार्यकाल को मिलाकर 10000 से अधिक दुष्कर्म की घटनाएं घट चुकी है।

श्री साहू ने कहा कि झारखंड सरकार तुष्टिकरण की राजनीति में पूरी तरह अंधी हो चुकी है। अपराधियों को तुष्टिकरण के चश्मे से देखकर यह सरकार कार्रवाई करती है। इस प्रकार की अधिकांश घटनाओं में पीड़िता हिंदू समाज से आती है और अपराध करने वाले अपराधी दूसरे समाज से आते हैं। हिंदू लड़कियों और महिलाओं को टारगेट करके इस प्रकार की घटनाओं को अंजाम दिया जाता है। राज्य सरकार कार्रवाई के नाम पर केवल खानापूर्ति करती है। मुकदमा नाम के लिए दर्ज होता है कार्रवाई कुछ होती नहीं। इस कारण अपराधी जेल से बाहर आ जाते हैं और फिर से इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति बेखौफ करते हैं। राज्य में कहीं भी कोई बेटी सुरक्षित नहीं है। यह स्पष्ट है कि अपराधियों में कानून का कोई डर नहीं बचा है।

श्री साहू ने कहा कि हम स्पष्ट शब्दों में कहना चाहते हैं, नारी सुरक्षा से कोई समझौता नहीं होगा। ध्वस्त कानून व्यवस्था को लेकर 19 अप्रैल को भाजपा रांची महानगर के द्वारा शाम 05:30 बजे जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से अल्बर्ट एक्का चौक तक मशाल जुलूस का कार्यक्रम तय है। वहीं 20 अप्रैल को सुबह 11:00 बजे रांची SSP कार्यालय का घेराव कार्यक्रम कर न्याय की आवाज को बुलंद किया जाएगा। SSP कार्यालय घेराव कार्यक्रम भाजपा रांची महानगर, रांची पूर्वी एवं पश्चिमी जिला के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित किया जाना है।

श्री साहू ने कहा कि इन जघन्य अपराधों के दोषियों को तत्काल स्पीडी ट्रायल के माध्यम से कड़ी से फांसी दी जाए, ताकि भविष्य में कोई भी दरिंदा ऐसी घिनौनी हरकत करने की हिम्मत न कर सके।

JPSC परीक्षा को लेकर राँची जिला प्रशासन अलर्ट: उपायुक्त श्री मंजूनाथ भजन्त्री ने तैयारियों की समीक्षा की।

झारखण्ड लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित झारखण्ड संयुक्त असैनिक सेवा (सीधी भर्ती) प्रारंभिक प्रतियोगिता परीक्षा-2025 19 अप्रैल 2026 (रविवार) को दो पालियों में विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की जाएगी।

पहली पाली सुबह 10:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक तथा द्वितीय पाली दोपहर 3:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक चलेगी। राँची जिले में इस परीक्षा के सुचारू संचालन एवं विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए उपायुक्त-सह-जिला दण्डाधिकारी, राँची श्री मंजूनाथ भजन्त्री की अध्यक्षता में आज समाहरणालय ब्लॉक - बी के सभागार में सभी संबंधित दंडाधिकारियों, पुलिस पदाधिकारियों तथा केंद्र अधीक्षकों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।

बैठक में अपर जिला दंडाधिकारी राँची, श्री राजेश्वर नाथ आलोक, पुलिस अधीक्षक नगर राँची, श्री पारस राणा, अनुमंडल पदाधिकारी सदर राँची, श्री कुमार रजत, झारखण्ड लोक सेवा आयोग के प्रतिनिधि एवं परीक्षा से जुड़े सभी सम्बंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।

बैठक में परीक्षा से संबंधित विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए गए, जिसमें परीक्षा केंद्रों पर सख्त सुरक्षा व्यवस्था, नकल रोकथाम, अभ्यर्थियों की सुविधा तथा किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए समन्वय पर विशेष जोर दिया गया।

परीक्षा का आयोजन

परीक्षा का आयोजन 96 उप-केंद्रों पर प्रथम पाली एवं द्वितीय पाली में किया जा रहा है। इन केंद्रों पर अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएँ जैसे पर्याप्त बैठने की क्षमता, पेयजल, शौचालय, प्रकाश एवं विद्युत व्यवस्था सुनिश्चित की गई है।

बैठक में दिए गए प्रमुख दिशा-निर्देश

श्री मंजूनाथ भजन्त्री ने बैठक में निम्नलिखित प्रमुख निर्देश दिए:

- सभी केंद्र अधीक्षक परीक्षा शुरू होने से पहले केंद्रों का निरीक्षण सुनिश्चित करें तथा किसी भी प्रकार की कमी को तुरंत दूर करें।

- परीक्षा केंद्रों के आसपास 100-200 मीटर तक निषिद्ध क्षेत्र घोषित किया जाएगा, जिसमें मोबाइल फोन, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण या किसी भी प्रकार की प्रतिलिपि सामग्री ले जाना सख्ती से प्रतिबंधित रहेगा।

- पुलिस बल की पर्याप्त तैनाती के साथ फ्लाइंग स्क्वॉड, स्टैटिक ड्यूटी तथा वाहन चेकिंग व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा।

- अभ्यर्थियों को समय से पहले केंद्र पर पहुंचने के लिए जागरूक किया जाए तथा प्रवेश पत्र (एडमिट कार्ड) के साथ मूल पहचान पत्र अनिवार्य रूप से साथ लाने का निर्देश दिया जाए।

- किसी भी प्रकार की अनियमितता या शिकायत पर तत्काल कार्रवाई के लिए कंट्रोल रूम स्थापित किया जाएगा।

- महिला अभ्यर्थियों की सुरक्षा एवं सुविधा के लिए विशेष प्रबंध किए जाएंगे।

- परीक्षा केंद्र में प्रतिनियुक्त सभी अधिकारी पदाधिकारी को परीक्षा हेतु दिए पहचान पत्र रखना अनिवार्य।

उपायुक्त ने सभी अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया झारखण्ड लोक सेवा आयोग के निर्देशानुसार कि परीक्षा पूर्ण रूप से निष्पक्ष, पारदर्शी एवं शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हो, यह सुनिश्चित करना हमारा सामूहिक दायित्व है।

सभी अभ्यर्थियों से अपील की वे परीक्षा संबंधी सभी दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन करें तथा परीक्षा केंद्र पर समय से पहले पहुंचें

राँची जिला प्रशासन सभी अभ्यर्थियों से अपील करता है कि वे परीक्षा संबंधी सभी दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन करें तथा परीक्षा केंद्र पर समय से पहले पहुंचें। किसी भी प्रकार की समस्या होने पर निकटतम पुलिस अधिकारी या कंट्रोल रूम से संपर्क करें।

बढ़े हुए बिजली दर को अविलंब वापस ले हेमंत सरकार..... आदित्य साहू


श्री साहू ने कहा कि एक तरफ हेमंत सरकार राज्य के खजाने को भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ा रही है। रोज रोज नए घोटाले उजागर हो रहे।ट्रेज़री घोटाले ने तो लालू राज में हुए पशुपालन घोटाले को भी मात दे दिया है। आज स्थिति है कि एक छोटे कर्मचारी से लेकर राज्यपाल तक के वेतन का भुगतान नहीं हो पा रहा।

श्री साहू ने कहा कि एक तरफ हेमंत सरकार राज्य का खजाना लूट रही दूसरी ओर जनता पर बिजली बिल का बोझ लादकर आम आदमी को भी लूट रही है। ऐसे में हेमंत सरकार लूट और झूठ की सरकार ही साबित हुई है।

कहा कि 200 यूनिट बिजली मुफ्त देने की बात पूरी तरह छलावा और धोखा ही है। लोक कल्याण हेतु अपने वादों को धरातल पर लागू करने केलिए हेमंत सरकार ने आय का कोई स्रोत विकसित नहीं किया। खान खनिज की रॉयल्टी,डीएम एफ टी जैसे फंड भी राज्य सरकार ने अपनी सुख सुविधा,पदाधिकारियों के ऐश मौज पर खर्च कर दिए। सरकार की नीयत साफ रहती तो इन फंडों के माध्यम से जनता को बड़ी राहत मिल सकती थी।

कहा कि राज्य सरकार को 100 करोड़ की लागत से शीश महल बनाने की चिंता है लेकिन राज्य के आम आदमी को बिजली बिल में राहत की बात पसंद नहीं।

कहा कि भले राज्य में अपराध सिर चढ़कर बोल रहा हो, लेकिन करोड़ो की गाड़ियां खरीद कर ध्वस्त विधि व्यवस्था को चिढ़ाया जा रहा है।

कहा कि राज्य सरकार न तो किसानों को 3200 रूपये प्रति क्विंटल धान खरीदे,न 450 रुपए में गैस सिलेंडर दिए,न युवाओं को कोई रोजगार दिए ,न बेरोजगारी भत्ता दिए। फिर जनता को आखिर अतिरिक्त आय की कौन सी व्यवस्था हुई कि उनपर बिजली बिल का अतिरिक्त बोझ लाद दिया गया।

कहा कि राज्य सरकार की मंशा पर विद्युत नियामक आयोग ने भी विरोध जताया है। इससे स्पष्ट है कि राज्य सरकार गरीबों,किसानों, आम उपभोक्ताओं पर नियम विरुद्ध बोझ लादकर अपनी नाकामियों को छुपाना चाहती है।

कहा कि आज बिजली आम आदमी के जीवन को रोज मर्रा की जिंदगी को प्रभावित कर रहा है।लेकिन सरकार को जनता के दुख दर्द से कुछ भी लेना देना नहीं है। महीनों तक जले ट्रांसफार्मर बदले नहीं जा रहे, राजधानी में जब बिजली आपूर्ति ठीक नहीं तो फिर गांव देहात छोटे कस्बों की हालत क्या होगी यह किसी से छुपा नहीं है। अनेक उपभोक्ताओं को एक साथ दो लाख ढाई लाख तक के बिल बिजली विभाग द्वारा भेज दिए जा रहे और उपभोक्ता सुधार केलिए काम धंधा छोड़ ऑफिस ऑफिस का चक्कर लगाने को मजबूर है।

कहा कि कई उपभोक्ताओं से इस संबंध में शिकायत मिलने पर बिल में सुधार केलिए उन्होंने बिजली विभाग के अधिकारियों से बात भी की है।

कहा कि इतना ही नहीं स्मार्ट मीटर आम आदमी को और परेशान कर रहा। अचानक जनता को एक साल के बिल भेज दिए जा रहे ।और भुगतान नहीं करने पर कनेक्शन काट दिए जा रहे। जनता आज इस व्यवस्था से त्राहिमाम कर रही है।

श्री साहू ने कहा कि भाजपा जनभावनाओं के अनुरूप राज्य सरकार से बढ़े हुए बिजली दर को वापस लेने की मांग करती है।सरकार बढे हुए दर को अविलंब वापस ले।नहीं तो पार्टी आगे इस जनविरोधी फैसले के खिलाफ आन्दोलन को और तेज करेगी।

विधानसभा अध्यक्ष से मिली सरहुल मिलन समारोह समिति: प्रकृति प्रेम और कृतज्ञता का संदेश साझा किया।

सभा सचिवालय के पदाधिकारियो एवं कर्मचारियों के द्वारा विधानसभा परिसर में सरहुल मिलन समारोह' का आयोजन किया गया था। इसी कड़ी में आज दिनांक 17 अप्रैल, 2026 को सरहुल मिलन समारोह की आयोजन समिति से श्री अनूप कच्छप ,श्री बिरसा गाड़ी, श्री निर्मल हेम्ब्रम, तथा नरेन्द्र कुमार उराँव एवं अरविन्द मिंज के नेतृत्व में समिति माननीय अध्यक्ष महोदय से उनके कार्यालय कक्ष में मुलाकात कर उन्हें मोमेंटो भेंट करते हुए आभार व्यक्त किया । श्री रंजीत कुमार प्रभारी सचिव झारखंड विधानसभा भी उपस्थित रहे।

इस अवसर पर माननीय अध्यक्ष झारखंड विधानसभा श्री रबींद्रनाथ महतो ने कहा कि सरहुल प्रकृति के प्रति प्रेम और कृतज्ञता प्रकट करने का त्योहार है

इस कार्यक्रम के उपरांत माननीय अध्यक्ष महोदय ने विधान सभा स्थित पुस्तकालय का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने पुस्तकालय में पाठकों की उपस्थिति पंजी देखी ।

अध्यक्ष महोदय ने पुस्तकालय की विशिष्ट और महत्वपूर्ण पुस्तकों को डिजिटल फॉर्मेट में बदलने तथा पुस्तकालय को आधुनिक संसाधनों से लैस करने की बात कही और कहा कि ये किताबें हमारे लिए अमूल्य निधि हैं

गढ़वा में अवैध बालू खनन पर बड़ी कार्रवाई: रात 12:30 बजे छापेमारी, 4 वाहन जब्त

गढ़वा। गढ़वा जिले मे बालू का अवैध खनन क़ो लेकर गढ़वा उपायुक्त-सह-जिला दण्डाधिकारी दिनेश कुमार यादव के निर्देशन में गढ़वा जिले में हो रहे अवैध बालू खनन पर रोकथाम हेतु जिला खनन पदाधिकारी राजेंद्र उराँव ने स्वयं और विभाग के कर्मचारियों द्वारा लगातार विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम बुधवार की रात्रि लगभग 12:30 बजे कल्याणपुर एनएच बायपास रोड के समीप एक सघन छापेमारी अभियान संचालित किया गया।

जिसमे इस अभियान के दौरान खनन विभाग की टीम ने तीन ट्रैक्टर तथा एक अन्य ट्रैक्टर को संग्रहे मेन रोड के पास से पकड़ा गया जिसमे अवैध रूप से अवैध खनन का बालू लोड था । सभी जब्त ट्रैक्टर वाहनों को गढ़वा

खनन बिभाग द्वारा गढ़वा थाना को सुपुर्द कर दिया गया है तथा पकडे गए ट्रैक्टर पर मे अवैध खनन का बालू लोड था, उस संबंधित मामलों में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है।इसकी जानकारी जिला खनन पदाधिकारी राजेंद्र उराँव ने दिया हैं।

वहीं इस संबंध में जिला खनन पदाधिकारी राजेंद्र उराँव ने बताया कि जिले के विभिन्न क्षेत्रों में अवैध खनन के विरुद्ध इस प्रकार के विशेष अभियान निरंतर चलाए जा रहे हैं और आगे भी सख्ती से जारी रहेंगे।

जिला प्रशासन द्वारा अवैध खनन में संलिप्त लोगों को कड़ी चेतावनी दी गई है कि इस प्रकार की गतिविधियों में लिप्त पाए जाने पर सख्त और कानूनी कार्रवाई की जाएगी।