/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs1/1630055818836552.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs4/1630055818836552.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs5/1630055818836552.png StreetBuzz s:baloch
मोदी सरकार ने ऐसा क्या कहा कि खुश हो गए बलूच?

#balochpraiseindiaonoccasionofbalochistan_independence

पाकिस्तान के अशांत सूबे बलूचिस्तान ने आजादी का ऐलान किया है। बलूचों ने बलूचिस्तान को आजाद मुल्क घोषित कर दिया और दुनिया के तमाम देशों से अपील की है कि अब बलूचिस्तान को पाकिस्तान का हिस्सा न माना जाए।। बलूचिस्तान प्रांत में मंगलवार को बलूचों ने ‘जश्न-ए-आजादी’ मनाया।

एक्स पर भारत को ‘धन्यवाद’ कहा

आजादी का ऐलान करते हुए बलूच विद्रोहियों ने भारत की जमकर तारीफ की है। बलूचों के सबसे बड़े नेता मीर यार बलूच ने एक्स पर एक पोस्ट कर भारत को धन्यवाद कहा है। उन्होंने लिखा कि भारतीय मीडिया ने आज विदेश मंत्रालय की प्रेस ब्रीफिंग में बलूचिस्तान स्वतंत्रता दिवस के जश्न को प्रमुखता से उठाया है। उन्होंने आगे कहा कि बलूचिस्तान गणराज्य, पाकिस्तान के मानवाधिकारों के उल्लंघन पर भारत के विदेश मंत्रालय के रुख का समर्थन करता है।

मानवाधिकारों पर भारत के रुख की भी सराहना

मीर यार बलूच ने लिखा, हम मानवाधिकारों पर भारत के सैद्धांतिक और सुसंगत रुख की भी सराहना करते हैं। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता, रणधीर जायसवाल ने पाकिस्तान के कब्जे वाले जम्मू-कश्मीर (पीओके) और उसके नियंत्रण वाले अन्य क्षेत्रों में मानवाधिकारों के गंभीर उल्लंघन के लिए पाकिस्तान को जवाबदेह ठहराने की आवश्यकता पर जोर दिया। हालांकि प्रवक्ता ने विशेष रूप से बलूचिस्तान का उल्लेख नहीं किया, लेकिन हम जवाबदेही और मानवाधिकारों के सम्मान के लिए भारत की व्यापक अपील को महत्व देते हैं।

बलूचिस्तान को स्वतंत्र देश के रूप में मान्यता देने की अपील

इस मौके पर बलूच नेता मीर यार बलूच ने एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय समुदाय से बलूचिस्तान को एक स्वतंत्र देश के रूप में मान्यता देने की अपील की। लंबे वक्त से आजादी मांग रहे बलूच नेताओं ने कहा कि अब आंदोलन का अगला लक्ष्य राजनीतिक और कूटनीतिक स्तर पर दुनिया से समर्थन हासिल करना है। अपने संदेश में संयुक्त राष्ट्र, आसियान, अफ्रीकी संघ, इस्लामिक सहयोग संगठन और यूरोपीय देशों से बलूचिस्तान की कथित स्वतंत्रता को समर्थन देने की मांग कीय़ उनका कहना है कि दुनिया को बलूचिस्तान को पाकिस्तान का प्रांत कहने के बजाय एक स्वतंत्र देश के रूप में देखना चाहिए।

मोदी सरकार ने ऐसा क्या कहा कि खुश हो गए बलूच?

#balochpraiseindiaonoccasionofbalochistan_independence

पाकिस्तान के अशांत सूबे बलूचिस्तान ने आजादी का ऐलान किया है। बलूचों ने बलूचिस्तान को आजाद मुल्क घोषित कर दिया और दुनिया के तमाम देशों से अपील की है कि अब बलूचिस्तान को पाकिस्तान का हिस्सा न माना जाए।। बलूचिस्तान प्रांत में मंगलवार को बलूचों ने ‘जश्न-ए-आजादी’ मनाया।

एक्स पर भारत को ‘धन्यवाद’ कहा

आजादी का ऐलान करते हुए बलूच विद्रोहियों ने भारत की जमकर तारीफ की है। बलूचों के सबसे बड़े नेता मीर यार बलूच ने एक्स पर एक पोस्ट कर भारत को धन्यवाद कहा है। उन्होंने लिखा कि भारतीय मीडिया ने आज विदेश मंत्रालय की प्रेस ब्रीफिंग में बलूचिस्तान स्वतंत्रता दिवस के जश्न को प्रमुखता से उठाया है। उन्होंने आगे कहा कि बलूचिस्तान गणराज्य, पाकिस्तान के मानवाधिकारों के उल्लंघन पर भारत के विदेश मंत्रालय के रुख का समर्थन करता है।

मानवाधिकारों पर भारत के रुख की भी सराहना

मीर यार बलूच ने लिखा, हम मानवाधिकारों पर भारत के सैद्धांतिक और सुसंगत रुख की भी सराहना करते हैं। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता, रणधीर जायसवाल ने पाकिस्तान के कब्जे वाले जम्मू-कश्मीर (पीओके) और उसके नियंत्रण वाले अन्य क्षेत्रों में मानवाधिकारों के गंभीर उल्लंघन के लिए पाकिस्तान को जवाबदेह ठहराने की आवश्यकता पर जोर दिया। हालांकि प्रवक्ता ने विशेष रूप से बलूचिस्तान का उल्लेख नहीं किया, लेकिन हम जवाबदेही और मानवाधिकारों के सम्मान के लिए भारत की व्यापक अपील को महत्व देते हैं।

बलूचिस्तान को स्वतंत्र देश के रूप में मान्यता देने की अपील

इस मौके पर बलूच नेता मीर यार बलूच ने एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय समुदाय से बलूचिस्तान को एक स्वतंत्र देश के रूप में मान्यता देने की अपील की। लंबे वक्त से आजादी मांग रहे बलूच नेताओं ने कहा कि अब आंदोलन का अगला लक्ष्य राजनीतिक और कूटनीतिक स्तर पर दुनिया से समर्थन हासिल करना है। अपने संदेश में संयुक्त राष्ट्र, आसियान, अफ्रीकी संघ, इस्लामिक सहयोग संगठन और यूरोपीय देशों से बलूचिस्तान की कथित स्वतंत्रता को समर्थन देने की मांग कीय़ उनका कहना है कि दुनिया को बलूचिस्तान को पाकिस्तान का प्रांत कहने के बजाय एक स्वतंत्र देश के रूप में देखना चाहिए।