’प्रदेश के सभी जनपदों में एक ही दिन 12 जुलाई को प्रदेश में 35 करोड़ वृहद वृक्षारोपण कार्यक्रम के सापेक्ष जनपद भदोही में लगाएं जाएंगे 1244000पौधे
*’प्रदेश के सभी जनपदों में एक ही दिन 12 जुलाई को प्रदेश में 35 करोड़ वृहद वृक्षारोपण कार्यक्रम के सापेक्ष जनपद भदोही में लगाएं जाएंगे 1244000 पौधे’*


*’वृक्षारोपण जन आंदोलन 2026 के सफल क्रियान्वयन हेतु जिलाधिकारी ने बैठक कर की समीक्षा’*


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। वृक्षारोपण महायज्ञ अभियान-2026 ‘एक पेड़ मां के नाम’ के उपलक्ष्य में प्रदेश के सभी जनपदों में एक ही दिन 12 जुलाई को प्रदेश में 35 करोड़ वृहद वृक्षारोपण कार्यक्रम के सापेक्ष जनपद भदोही में 12 लाख 44 हजार वृक्षारोपण कार्यक्रम के सफल क्रियान्वयन हेतु  जिला पंचायत अध्यक्ष अनिरूद्ध त्रिपाठी, जिलाध्यक्ष दीपक मिश्रा, जिलाधिकारी शैलेष कुमार की संयुक्त अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में बैठक कर समीक्षा किया गया।
        जिलाधिकारी शैलेष कुमार बताया कि वर्षा काल 2026 में आयोजित ‘एक पेड़ मॉ के नाम’ वृक्षारोपण अभियान के अंतर्गत जनपद में 23 विभागों को आवंटित लक्ष्य 12 लाख 44 हजार के सापेक्ष शत प्रतिशत प्राप्ति सुनिश्चित किए जाने हेतु 12 जुलाई को बृहद स्तर पर आयोजित किये जा रहे वृक्षारोपण कार्यक्रम में वृक्षारोपण की मॉनिटरिंग व सूचना के आदान हेतु जिलाधिकारी द्वारा 23 विभाग के विभागाध्यक्षों को सेक्टर मजिस्ट्रेट व उन पर मॉनिटरिंग करने हेतु विभिन्न जोनल मजिस्ट्रेट की ड्यूटी लगाई गई है। डीएफओ ने बताया कि जनपद स्तर पर जनपद प्रभारी मंत्री, मा.सांसद, विधायकगण, जिला पंचायत अध्यक्ष, नगर निकाय अध्यक्ष, एवं अन्य जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में विकासखंड भदोही के ग्राम पंचायत काशी नरेश विश्वविद्यालय हास्टल परिसर में ‘एक पेड़ मां के नाम’ पौधा रोपित किया जाएगा। जिसमें जामुन, अर्जुन, सेमल, आम ,बरगद ,पीपल, पाकड़, बरगद, आंवला, नीम, शीशम, कंजी आदि प्रजाति के पौधे लगाए जाएंगे।
       जिलाधिकारी शैलेष कुमार द्वारा वृक्षारोपण की तैयारियों के सम्बन्ध में सम्बन्धित विभागों की समीक्षा करते हुये विभागाध्यक्षों को निर्देशित किया गया कि अपने विभागीय लक्ष्य के सापेक्ष वृक्षारोपण कराने हेतु गढ्ढों की खुदाई का कार्य पूर्ण करना सुनिश्चित कर ली जाये।
       जिलाधिकारी ने 12 जुलाई को जनपदवासियों, स्वयंसेवी संस्थाओं, लायंस क्लब, नेहरू युवा केंद्र ,रेड क्रॉस सोसाइटी, आपदा मित्रो, होमगार्ड, एनएसएस, एनसीसी व अन्य संस्थाओं/संगठनों से अपील किया कि वृक्षारोपण कार्यक्रम को एक मिशन के रूप में लेकर सामाजिक व पर्यावरण को उत्कृष्ट बनाने के क्रम में सभी जनपदवासी भदोही को हरा भरा बनाने में कम से कम एक वृक्ष लगाकर अपना सहयोग करें। इसे एक सोशल मूवमेंट के रूप में देखें। उपायुक्त मनरेगा की देखरेख में मोरवा/वरूणा नदी तट पर भी आधिकाधिक वृक्षारोपण लगाया जाए।
उन्होने डीएफओ को निर्देशित करते हुये कहा कि कल शाम तक जिन विभागों द्वारा पौध उठान प्रगति का कार्य न पूर्ण किया जाये तो उनकी सूचना जिलाधिकारी कार्यालय में उपलब्ध कराई जाये। उन्होंने कहा कि जो विभाग इस कार्य में लापरवाही बरतेगा उनके विरूद्व आवश्यक कार्यवाही की जायेगी। उन्होंने डीएफओ को निर्देशित करते हुये कहा कि समस्त विभागों से समन्वय स्थापित करते हुये निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप वृक्षारोपण का कार्य सम्पन्न कराया जाये। 
समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि वृक्षारोपण 2026 को लेकर समाज के सभी लोगों का सक्रिय सहयोग एवं सहभागिता प्राप्त करते हुए इसे वृहद जन आंदोलन के रूप में किया जाए। जनपद में ऐसा वातावरण सृजित किया जाए कि आम जनमानस भी स्वयंमेव से जुड़ जाए।
     जनपद भदोही में वृक्षारोपण 2026 के तहत उत्तर प्रदेश शासन द्वारा वृक्षारोपण करने का आवंटित लक्ष्य दिया गया है, जिसके अंतर्गत वन विभाग नोडल विभाग के रूप में 336000, पर्यावरण 45000, ग्राम विकास विभाग 474000, पंचायती राज विभाग 59000, आवास विकास विभाग बीड़ा 4800, लोक निर्माण विभाग 7600, नगर विकास विभाग 18300, जल निगम 10000, रेशम विभाग 19000, कृषि विभाग 156700, पशुपालन विभाग 4200, सहकारिता विभाग 3000, उद्योग विभाग 4000, माध्यमिक शिक्षा विभाग 8900, बेसिक शिक्षा 7000, श्रम विभाग 2800, परिवहन 2100, उद्यान विभाग 59000, पुलिस विभाग 6300, स्वास्थ्य विभाग 5000, उच्च शिक्षा 10800, ऊर्जा विभाग 2500, राजस्व विभाग 45000, सहित सत्र 2026 मे कल 12 लाख 44 हजार पौधरोपण किया जाएगा। वर्षा काल 2026 में कराए जाने वाले वृक्षारोपण के सुचारू संचालन हेतु क्रियान्वयन के विभिन्न बिंदुओं पर बल दिया।
जिलाधिकारी ने कहा कि वनावरण में वृद्धि हुई है। सामाजिक वानिकी डिविजन है। पर्यावरण की प्रगति अच्छी हुआ है, इसे और बेहतर बनाने के लिए हम सब पूरे मनोयोग से और बेहतर बनाये ताकि पर्यावरण शुद्ध रहे। उन्होंने बताया कि आगामी वृक्षारोपण महायज्ञ 2026 में नवीन विशिष्ट वनों की स्थापना में महर्षि चरक औषधि वन, समरस वन, समृद्धि वन, कपि वन, ऊर्जा वन, अविरल धारा वन, मिशन छाया, पौराणिक वन, विशिष्ट तिथियों पर रोपण में वंदे मातरम वाटिका-15 अगस्त, भाई-बहन वृक्षारोपण-28 अगस्त, एक पेड़ गुरू के नाम वृक्षारोपण-5 सितम्बर, पौध भंडारा सहजन भण्डारा, आम भण्डारा-आम बहार आपके द्वार, जनपद में किए जा रहे विशिष्ट कार्य में 200 सघन वन स्थापना, गौशाला में छायादार पौधों का रोपण किया जायेगा। जिलाधिकारी ने कहा कि पौधरोपण की सुरक्षा हेतु व्रिक गार्ड, आयरन ट्री गार्ड, सुरक्षा खायी, बायो फेन्सिंग से पौधरोपण की सुरक्षा किया जायेगा।
     बैठक में अपर जिलाधिकारी वि0/रा0 शुभांगी शुक्ला, प्रभागीय वनाधिकारी विवेक कुमार यादव, जिला विकास अधिकारी सपना अवस्थी, उपयुक्त मनरेगा, डीपीआरओ, एआरटीओ राम सिंह, बेसिक शिक्षा अधिकारी शिवम पाण्डेय, समस्त अधिशासी अधिकारी एवं समस्त संबंधित अधिकारीगण उपस्थित रहे।
ज्ञानपुर सर्किल में कानून व्यवस्था मजबूत करने पर जोर: हिस्ट्रीशीटरों और अपराधियों के सत्यापन के लिए विशेष बैठक
रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। भदोही पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी और अपर पुलिस अधीक्षक शुभम अग्रवाल के निर्देशन में, क्षेत्राधिकारी ज्ञानपुर  चमन सिंह चावड़ा ने शुक्रवार को एक महत्वपूर्ण बैठक की। यह बैठक ज्ञानपुर सर्किल के चारों थानों - ज्ञानपुर, गोपीगंज, कोईरौना और ऊंज के समस्त बीट पुलिस कर्मियों के साथ आयोजित की गई।

बैठक के दौरान, क्षेत्राधिकारी ज्ञानपुर ने बीट पुलिस कर्मियों को YAKSH ऐप के माध्यम से हिस्ट्रीशीटरों और अपराधियों के सत्यापन को समयबद्ध और प्रभावी ढंग से पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक बीट पुलिस कर्मी अपने क्षेत्र में सक्रिय अपराधियों, हिस्ट्रीशीटरों तथा संदिग्ध तत्वों पर सतर्क नजर रखें और ऐप के माध्यम से तुरंत सत्यापन सुनिश्चित करें।चमन सिंह चावड़ा ने सभी कर्मियों को अपने-अपने थाना क्षेत्र में कानून व्यवस्था बनाए रखने, सार्वजनिक शांति सुनिश्चित करने तथा किसी भी प्रकार की आपराधिक घटना को रोकने के लिए पूर्ण सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी कहा कि बीट स्तर पर सक्रिय गश्त, जनसंपर्क और सूचना संकलन को और अधिक प्रभावी बनाया जाए।

क्षेत्राधिकारी ज्ञानपुर ने बैठक में उपस्थित सभी बीट पुलिस कर्मियों का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने आश्वासन दिया कि उनके कार्य में किसी भी प्रकार की समस्या आने पर तत्काल सहयोग प्रदान किया जाएगा।
कान में नमी से बढ़ रहा फंगल इंफेक्शन: ज्ञानपुर भदोही होम्योपैथिक अस्पताल में बढ़े कान के मरीज

नितेश श्रीवास्तव

भदोही। बारिश के मौसम में कान में नमी के कारण फंगल इंफेक्शन (ओटोमाइकोसिस) की समस्या बढ़ गई है। जिला राजकीय होम्योपैथिक चिकित्सालय ज्ञानपुर, भदोही में इन दिनों कान के मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है। अस्पताल में रोजाना औसतन 416 मरीज इलाज के लिए पहुंच रहे हैं।
चिकित्सालय के प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. राजेश कन्नौजिया ने बताया कि उमस और नमी के कारण कानों में फंगल इंफेक्शन के मामले बढ़े हैं। उन्होंने बताया कि जुलाई से अक्टूबर तक कान के अधिक मरीज आते हैं। यह बीमारी तब होती है, जब कान में पानी जाता है और लोग नहाने या बारिश में भीगने के बाद कानों को ठीक से नहीं सुखाते।
डॉ. कन्नौजिया के अनुसार, कान खुजलाने के लिए माचिस की तीली, हेयरपिन, चाबी या कॉटन बड का इस्तेमाल करने से भी कान की त्वचा पर सूक्ष्म घाव बन जाते हैं। ये घाव फंगस को बढ़ने का मौका देते हैं, जिससे संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है।
कान में फंगल इंफेक्शन के प्रमुख लक्षणों में कान में दर्द, बार-बार खुजली होना, अचानक कम सुनाई देना, कान का बहना और मवाद आना शामिल हैं। इन लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
संक्रमण से बचाव के लिए कुछ सावधानियां बरतना आवश्यक है। नहाते समय कान में गंदा पानी जाने से रोकें और स्वीमिंग पूल में नहाने से पहले इयर प्लग का उपयोग करें। तालाब या पोखरे में नहाने से बचें। कान में तेल न डालें और किसी भी तरह की ड्रॉप डालने से पहले चिकित्सक की सलाह अवश्य लें।
भाई पर चाकू से हमला, आरोपी गिरफ्तार: भदोही में मामूली विवाद में वारदात, खून से सना चाकू बरामद

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भदोही के औराई थाना क्षेत्र में मामूली विवाद को लेकर एक भाई ने अपने सगे भाई पर धारदार चाकू से हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया। पुलिस ने आरोपी भाई राजेश यादव को गिरफ्तार कर लिया है और वारदात में इस्तेमाल किया गया खून से सना चाकू भी बरामद कर लिया है।

यह घटना 6 जुलाई 2026 को ग्राम उपरवार में हुई। आरोपी राजेश यादव पुत्र डब्बू ने मामूली कहासुनी के बाद अपने भाई आकाश कुमार पुत्र डब्बू यादव पर ताबड़तोड़ कई वार किए। परिजनों और स्थानीय लोगों की मदद से घायल आकाश को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया।

प्राप्त तहरीर के आधार पर थाना औराई में मु०अ०सं० 284/2026 धारा 109(1), 118(1), 352, 351(3) बीएनएस (BNS) के तहत मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू की गई थी।

पुलिस अधीक्षक भदोही अभिनव त्यागी के निर्देशन और अपर पुलिस अधीक्षक शुभम अग्रवाल के कुशल पर्यवेक्षण में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत, औराई पुलिस आरोपी राजेश कुमार यादव की तलाश में थी।

बुधवार को मुखबिर से सटीक सूचना मिली कि अभियुक्त महराजगंज चौकी की तरफ जाने वाले तिराहे पर भागने की फिराक में वाहन का इंतजार कर रहा है। निरीक्षक अपराध शेतांशु शेखर पंकज के नेतृत्व में पुलिस टीम ने तत्काल घेराबंदी कर अभियुक्त को महराजगंज तिराहे से गिरफ्तार कर लिया।

पूछताछ में अभियुक्त ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। उसकी निशानदेही पर महराजगंज रेलवे लाइन के किनारे, रेल पटरियों के छोटे लोहे के गाटरों के बीच ईंट से दबाकर छुपाया गया चाकू का फल (ब्लेड) बरामद किया गया। अभियुक्त ने बताया कि उसने इसी चाकू से आकाश यादव पर हमला किया था। इस बरामदगी के आधार पर मामले में धारा 4/25 आर्म्स एक्ट की बढ़ोत्तरी की गई है।

गिरफ्तार आरोपी की पहचान राजेश कुमार यादव (उम्र करीब 32 वर्ष) पुत्र डब्बू यादव निवासी ईटवा उपरवार, थाना औराई, जनपद भदोही के रूप में हुई है।


गिरफ्तार करने टीम निरीक्षक (अपराध) शेतांशु शेखर पंकज, रि०कां० जयकरन, म०कां० चन्दकला, रि०म०अ० अंजली, हे०कां० चालक एखलाख खां थाना औराई जनपद भदोही।
जिला अस्पताल में दाद-खाज के मरीज बढ़े: उमस भरी गर्मी से त्वचा रोग विभाग में दोगुनी हुई संख्या

नितेश श्रीवास्तव


भदोही। ज्ञानपुर के महाराजा चेतसिंह जिला चिकित्सालय में उमस भरी गर्मी के कारण दाद-खाज के मरीजों की संख्या दोगुनी हो गई है। त्वचा रोग विभाग की ओपीडी में अब प्रतिदिन 20 से 25 मरीज इन समस्याओं के साथ पहुंच रहे हैं, जबकि 15 दिन पहले यह संख्या 10 से 12 थी।

चिकित्सकों के अनुसार, मौसम में उतार-चढ़ाव और उमस के कारण मरीजों की संख्या में यह वृद्धि देखी गई है। जिला अस्पताल में प्रतिदिन औसतन 800 मरीजों की ओपीडी होती है, जिसमें से लगभग 60 मरीज त्वचा संबंधी बीमारियों से ग्रसित होते हैं। इनमें से 25 मरीज विशेष रूप से दाद, खाज और खुजली से पीड़ित होते हैं।

त्वचा रोग विशेषज्ञ डॉ. अजय मौर्य ने बताया कि ओपीडी में शरीर पर दाने, दाद, खाज, खुजली और चेहरे पर मुंहासे जैसी समस्याओं वाले मरीज आ रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि दाद दो प्रकार के दिख रहे हैं - एक सफेद और दूसरा काला, हालांकि इससे घबराने की आवश्यकता नहीं है और दवा से राहत मिलती है।

डॉ. मौर्य ने दाद से पीड़ित मरीजों को सलाह दी कि वे अपने साबुन, तौलिया और अन्य व्यक्तिगत सामान अलग रखें ताकि संक्रमण दूसरों तक न फैले।

मरीजों ने भी अपनी पीड़ा साझा की। अजयपुर के 14 वर्षीय अनुराग सरोज ने बताया कि उनके पैर की एड़ी और हाथ की हथेली में दाने निकले थे, जिसके लिए डॉक्टर ने पांच दिन की दवा दी। मवैया हरदोपट्टी के 35 वर्षीय विजय कुमार ने कहा कि गांव के डॉक्टर से आराम न मिलने पर उन्होंने जिला अस्पताल में दिखाया, जहां उन्हें पांच दिन की दवा मिली।

सरई राजपुतानी के 18 वर्षीय अमित यादव ने बताया कि वे दाद की समस्या से परेशान हैं और बार-बार दवा लेने पर आराम मिलता है, लेकिन कुछ दिन बाद फिर हो जाते हैं। उन्हें दाद कैसे होता है, यह पता नहीं। जिला अस्पताल में डॉक्टर ने उन्हें दवा दी है और दोबारा बुलाया है।
स्कूलों में पहुंचा अंकपत्र, वितरण शुरू

*स्नातक की कक्षाओं में नामांकन को लेकर मारामारी*

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। माध्यमिक शिक्षा परिषद की तरफ से संचालित स्कूलों में अंक पत्रों का वितरण शुरू हो गया है। इसके साथ ही अब स्नातक की कक्षाओं में प्रवेश को लेकर मारामारी की नौबत सामने आएगी। सीटें कम होने के कारण दावेदारों की संख्या ज्यादा होगी।
बता दें कि गत वर्ष 2025 में हाईस्कूल में 80.24 फीसदी बच्चे पास हुए थे। ऐसे में सूबे में पांचवां स्थान मिला था। जबकि इस साल 95.78 फीसदी अंकों के साथ सूबे में पहला स्थान आया है। छात्रा अन्नू मौर्या ने सूबे में 10वां और जिले में टाप किया। इसी तरह इंटरमीडिएट में 2025 में 52 फीसदी बच्चे पास हुए थे। सूबे में जिले को 52वां स्थान मिला था। इस साल 82.21 फीसदी के साथ सूबे में 39 वां स्थान मिला है। इस तरह हाईस्कूल में चार एवं इंटर में 13 अंकों का सुधार हुआ है। परीक्षा परिणाम अप्रैल माह में 23 तारीख को आया था। अंक पत्रों का इंतजार बच्चे एवं उनके माता-पिता कर रहे थे। विभाग की ओर से स्कूलों में सभी बच्चों का अंक पत्र भेज दिया गया है। जिसका वितरण भी शुरू करा दिया गया है। जिला विद्यालय निरीक्षक अंशुमान ने बताया कि यूपी बोर्ड परीक्षा परिणाम अप्रैल माह में आया था। अंक पत्र बोर्ड से गत माह ही आ गया था। सभी स्कूलों को उसे भेज दिया गया है, जिसका वितरण शुरू करा दिया गया है। उल्लेखनीय है कि इस साल हाईस्कूल में कुल 27545 विद्यार्थी पंजीकृत थे। जिसमें 26234 बच्चों ने परीक्षा दी थी, जिसमें से 25127 विद्यार्थी पास हुए।
लवकुश जन्मोत्सव मेला 15 जुलाई से शुरू: सीतामढ़ी में नौ दिवसीय आयोजन, मुख्य मेला 23 जुलाई को

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। सीतामढ़ी के धार्मिक एवं पौराणिक स्थल पर 15 जुलाई से नौ दिवसीय लवकुश जन्मोत्सव मेला आयोजित होगा। भगवान श्रीराम और माता सीता के पुत्रों लव-कुश के जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में यह मेला लगेगा। मेले की तैयारियां शुरू हो चुकी हैं। नौ दिनों तक चलने वाले इस मेले में श्रीराम कथा, प्रवचन और संकीर्तन का आयोजन किया जाएगा, जिससे सीतामढ़ी का वातावरण भक्तिमय रहेगा। सीतामढ़ी मंदिर के पुजारी ने बताया कि मुख्य मेला आषाढ़ शुक्ल पक्ष नवमी, यानी 23 जुलाई, बृहस्पतिवार को होगा।
मान्यता के अनुसार, लव-कुश कुमारों का जन्म सीतामढ़ी स्थित महर्षि वाल्मीकि आश्रम में हुआ था। इसी उपलक्ष्य में पुरातन काल से ही महर्षि वाल्मीकि आश्रम, सीतामढ़ी में नौ दिवसीय मेले का आयोजन होता आ रहा है।
राजकीय स्कूलों में 16 साल में नहीं भरे पद,आधे खाली
*शिक्षकों की कमी से प्रभावित हो रही पढ़ाई, किसी में तीन तो किसी में चाय शिक्षक*


नितेश श्रीवास्तव


भदोही। जिले के राजकीय हाईस्कूल एवं इंटर कॉलेजों में शिक्षकों की कमी पूरी नहीं हो पा रही है। 16 साल बाद भी रिक्त पदों पर शिक्षकों का चयन न होने से अब भी आधे से अधिक शिक्षकों और प्रवक्ताओं की कमी से छात्र-छात्राओं को बेहतर शिक्षा नहीं मिल पा रही है। तीन से चार शिक्षकों पर आठ से नौ विषय पढ़ाने की जिम्मेदारी है। जिले में 33 राजकीय हाईस्कूल और पांच राजकीय इंटर कॉलेज हैं। साल 2009 में तत्कालीन माध्यमिक शिक्षा मंत्री रंगनाथ मिश्र ने 33 पूर्व माध्यमिक विद्यालयों को उच्चीकृत कर हाईस्कूल का दर्जा दिया।
भवन-लैब निर्माण संग अन्य संसाधनों को पूरा करने के लिए प्रति स्कूल को 57-57 लाख रुपये भी मिले। उस दौरान सभी स्कूलों में भवन तो बन गए, लेकिन छात्र-छात्राओं की संख्या के अनुपात में शिक्षकों की तैनाती नहीं हो सकी। 2009-10 से शिक्षकों की कमी आज 2026 में भी पूरी नहीं हो सकी। इससे स्कूलों में पठन-पाठन कमजोर हो रहा है। स्थिति यह है कि किसी स्कूल में तीन तो किसी में चार के भरोसे ही स्कूल की कक्षाएं चल रही हैं। विज्ञान के शिक्षक नहीं, कैसे बनेंगे डॉक्टर : राजकीय माध्यमिक हाईस्कूल के अलावा इंटर कॉलेजों की हालत भी ठीक नहीं है। पीएम श्री वीएनजीआईसी, राजकीय बालिका इंटर कॉलेज जगन्नाथपुर, महराजगंज, दो पंडित दीन दयाल उपाध्याय राजकीय मॉडल इंटर कॉलेज संचालित हैं। इसमें करीब चार हजार छात्र-छात्राएं पंजीकृत है। 2500 विद्यार्थी विज्ञान वर्ग से जुड़े हैं। जगन्नाथपुर में गणित, गिर्दबड़गांव में रसायन के एक-एक प्रवक्ता हैं। भौतिक विज्ञान के एक भी प्रवक्ता किसी कॉलेज में नहीं है। चार स्कूलों में गणित व रसायन विज्ञान के शिक्षक नहीं है। इससे विज्ञान की पढ़ाई में दिक्कत होती है।
कितने शिक्षकों की होनी थी तैनाती
राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान शुरू होने के बाद शिक्षकों की तैनाती के गाइडलाइन भी जारी भी किए जा चुके थे। गाइड लाइन के अनुसार हर स्कूल में प्रधानाध्यापक सहित आठ शिक्षक एवं शिक्षणेतर कर्मचारियों की तैनाती की जानी थी, हालांकि कहीं भी इसे पूरा नहीं किया जा सका। तीन, चार और पांच शिक्षकों के सहारे ही स्कूल चल रहे हैं।
शिक्षकों की स्थिति
स्कूल स्वीकृत पद तैनाती
33 राजकीय हाईस्कूल 264 142
राजकीय इंका महराजगंज 18 09
राजकीय इंका जगन्नाथपुर 17 05
वीएनजीआईसी इंका ज्ञानपुर 85 28
राजकीय स्कूलों में शिक्षकों की कमी कई सालों से है। पूर्व की अपेक्षा सहायक अध्यापकों की संख्या बढ़ी है। शिक्षकों की कमी के बारे में हर साल लिखकर निदेशालय भेजी जाती है।- अंशुमान, डीआईओएस
भदोही: गंभीर चोट पहुंचाने का फरार आरोपी गिरफ्तार:गोपीगंज पुलिस ने आपराधिक साजिश के मामले में कार्रवाई की
नितेश श्रीवास्तव



भदोही। भदोही पुलिस ने गोपीगंज थाना क्षेत्र में एक व्यक्ति पर हमला कर गंभीर चोट पहुंचाने के मामले में फरार आरोपी को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी और अपर पुलिस अधीक्षक शुभम अग्रवाल के निर्देशन में गोपीगंज पुलिस टीम द्वारा की गई। आरोपी पर गैरकानूनी रूप से इकट्ठा होने और आपराधिक साजिश रचने का आरोप है।
यह मामला जीतू कुमार पासी पुत्र प्यारे लाल निवासी ग्राम घाटमपुर (भोपतपट्टी) की शिकायत पर दर्ज किया गया था। जीतू ने बताया कि गुरुवार रात करीब 9 बजे उनके भाई दीपक उर्फ बंडल सरोज पुत्र प्यारे लाल बाजार से घर लौट रहे थे। भोपतपट्टी नहर पुलिया के पास गांव के टोनू सरोज, राजन सरोज (पुत्रगण पप्पू सरोज) और चंदन उर्फ बंटी (पुत्र बब्बू सरोज) ने उन्हें बिना किसी कारण रोका।
आरोपियों ने दीपक को भद्दी-भद्दी गालियां दीं और रॉड, डंडे, लात-घूंसों से पीटना शुरू कर दिया। इस हमले में दीपक के सिर और गर्दन में गंभीर चोटें आईं। जीतू की तहरीर के आधार पर गोपीगंज थाने में मु0अ0सं0 234/2026 धारा 115(2)/352/351(2)/109(1) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू की गई थी।
गोपीगंज पुलिस की गठित टीम ने मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए वांछित अभियुक्त चंदन सरोज उर्फ बंटी को कसीदहा तिराहा से गिरफ्तार किया। आरोपी चंदन सरोज उर्फ बंटी पुत्र चंद्रभान सरोज, निवासी भोपतपट्टी घाटमपुर, थाना गोपीगंज, जनपद भदोही का रहने वाला है और उसकी उम्र 25 वर्ष है।
गिरफ्तारी के बाद अभियुक्त के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई और उसे माननीय न्यायालय के समक्ष पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया। इस कार्रवाई में उपनिरीक्षक वीरेंद्र यादव और कांस्टेबल बृजमोहन सिंह, थाना गोपीगंज, जनपद भदोही शामिल थे।
मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना एवं छात्र हितैषी योजनाओं का भव्य शुभारम्भ
*कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद ने कहा—गरीब, शिक्षक और विद्यार्थी सरकार की प्राथमिकता, शिक्षा के माध्यम से बदलेगा प्रदेश का भविष्य*



नितेश श्रीवास्तव

भदोही। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा शिक्षा, शिक्षक कल्याण एवं छात्र हित को समर्पित विभिन्न महत्वाकांक्षी योजनाओं के शुभारम्भ के अवसर पर बुधवार को चित्रांगन लॉन, ज्ञानपुर में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारम्भ प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी द्वारा वर्चुअल माध्यम से किया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश सरकार के मत्स्य विभाग के कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद उपस्थित रहे। कार्यक्रम में मा. जिला पंचायत अध्यक्ष अनिरुद्ध त्रिपाठी, मा. विधायक ज्ञानपुर विपुल दुबे, मा. जिलाध्यक्ष भाजपा दीपक मिश्रा, जिलाधिकारी शैलेष कुमार व जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, शिक्षा विभाग के अधिकारियों, शिक्षकों, शिक्षिकाओं तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने सहभागिता की।
         कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना का औपचारिक शुभारम्भ किया गया। इस योजना के माध्यम से प्रदेश के लगभग 12 लाख शिक्षकों एवं उनके आश्रित परिवारजनों को गुणवत्तापूर्ण कैशलेस चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। यह योजना शिक्षकों को आर्थिक बोझ से राहत प्रदान करने के साथ-साथ उन्हें बेहतर स्वास्थ्य सुरक्षा उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
       इस अवसर पर प्रदेश के 1.10 करोड़ छात्र-छात्राओं के बैंक खातों में प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डीबीटी) के माध्यम से ₹1200 प्रति छात्र-छात्रा की धनराशि भेजने की घोषणा भी की गई। इस धनराशि का उपयोग यूनिफॉर्म, जूता, मोजा, स्वेटर, स्कूल बैग एवं स्टेशनरी जैसी आवश्यक शैक्षिक सामग्री की खरीद के लिए किया जाएगा। सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आर्थिक अभाव किसी भी बच्चे की शिक्षा में बाधा न बने और प्रत्येक विद्यार्थी सम्मानपूर्वक विद्यालय में अध्ययन कर सके।
           मुख्य अतिथि कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद ने अपने संबोधन में कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक विकास की किरण पहुँचाने के संकल्प के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि गरीब, वंचित, मछुआरा समाज, किसान, शिक्षक और विद्यार्थी सरकार की प्राथमिकता में हैं। शिक्षा और स्वास्थ्य किसी भी समाज के विकास की सबसे मजबूत नींव हैं। शिक्षक सुरक्षित और सम्मानित होंगे तो वे नई पीढ़ी को बेहतर दिशा देने का कार्य और अधिक प्रभावी ढंग से कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं का उद्देश्य केवल आर्थिक सहायता देना नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक वर्ग को आत्मनिर्भर, सुरक्षित और सशक्त बनाना है।
         कार्यक्रम के दौरान शिक्षकों एवं संविदा कर्मियों की सामाजिक सुरक्षा को और अधिक मजबूत बनाने के उद्देश्य से लगभग 10 लाख शिक्षकों एवं संविदा कर्मियों के हित में स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के साथ किए गए एमओयू की जानकारी भी साझा की गई। इस पहल के माध्यम से शिक्षकों और कर्मियों को सामाजिक सुरक्षा एवं वित्तीय संरक्षण से संबंधित विभिन्न सुविधाओं का लाभ उपलब्ध कराया जाएगा।
          कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्तर पर चयनित स्वच्छ एवं हरित विद्यालयों के प्रधानाचार्यों को सम्मानित किए जाने की घोषणा भी की गई। वक्ताओं ने कहा कि स्वच्छ, हरित एवं पर्यावरण अनुकूल विद्यालय न केवल विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षिक वातावरण प्रदान करते हैं, बल्कि उनमें स्वच्छता, अनुशासन और पर्यावरण संरक्षण के प्रति सकारात्मक सोच का भी विकास करते हैं।
          इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष अनिरुद्ध त्रिपाठी ने कहा कि मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना शिक्षकों एवं संविदा कर्मियों के लिए अत्यंत उपयोगी और दूरदर्शी पहल है। इससे शिक्षकों को गंभीर बीमारी की स्थिति में आर्थिक कठिनाइयों का सामना नहीं करना पड़ेगा और वे पूर्ण मनोयोग से अपने शैक्षिक दायित्वों का निर्वहन कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए निरंतर ऐतिहासिक निर्णय ले रही है।
         भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष दीपक मिश्रा ने कहा कि प्रदेश सरकार की प्रत्येक योजना समाज के अंतिम व्यक्ति तक लाभ पहुँचाने के उद्देश्य से संचालित की जा रही है। शिक्षक समाज का निर्माता होता है और उसके स्वास्थ्य, सुरक्षा एवं सम्मान की जिम्मेदारी सरकार ने जिस संवेदनशीलता के साथ निभाई है, वह सराहनीय है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को डीबीटी के माध्यम से मिलने वाली सहायता शिक्षा को और अधिक सुलभ एवं पारदर्शी बनाएगी।
            जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा जनपद में उल्लेखनीय कार्य किए जा रहे हैं। नवीन नामांकन अभियान में भदोही ने प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त कर जनपद का गौरव बढ़ाया है। उन्होंने कहा कि जनपद के शिक्षक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ-साथ नवाचार एवं सामाजिक उत्तरदायित्व के क्षेत्र में भी उत्कृष्ट कार्य कर रहे हैं। यहां के अनेक शिक्षक राज्यपाल एवं राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित हो चुके हैं, जो पूरे जनपद के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने विशेष रूप से महिला शिक्षिकाओं द्वारा शिक्षण, नवाचार और विद्यालय विकास में किए जा रहे उत्कृष्ट योगदान की सराहना करते हुए सभी शिक्षकों एवं शिक्षा विभाग की टीम को बधाई दी।
           जिलाधिकारी ने कहा कि शासन की सभी छात्र हितैषी योजनाओं का लाभ समयबद्ध एवं पारदर्शी ढंग से प्रत्येक पात्र छात्र तक पहुँचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने शिक्षा विभाग के अधिकारियों से योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, स्वच्छ वातावरण तथा विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर कार्य करने का आह्वान किया।
          कार्यक्रम में उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था को आधुनिक, पारदर्शी, तकनीक आधारित एवं शिक्षक-हितैषी बनाने के लिए लगातार ऐतिहासिक निर्णय ले रही है। शिक्षक कल्याण, विद्यार्थियों को समयबद्ध डीबीटी सहायता, सामाजिक सुरक्षा, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तथा स्वास्थ्य सुविधाओं जैसी योजनाएँ प्रदेश के शैक्षिक परिदृश्य को नई दिशा देने का कार्य करेंगी।
           प्रदेश सरकार के मा. कैबिनेट मंत्री  ने बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग द्वारा आयोजित कार्यक्रम में 10 लाभार्थियों को पोषण पोटली वितरित की। उन्होंने कहा कि बच्चों का बेहतर स्वास्थ्य, संतुलित पोषण और समुचित विकास सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। मंत्री ने अभिभावकों से बच्चों के नियमित स्वास्थ्य परीक्षण, पौष्टिक आहार एवं स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने की अपील की। कार्यक्रम में विभागीय अधिकारियों ने कुपोषण मुक्त समाज के लक्ष्य को साकार करने हेतु संचालित योजनाओं की जानकारी देते हुए जनसहभागिता बढ़ाने पर बल दिया।
            इस अवसर पर जिला विकास अधिकारी सपना अवस्थी, जिला विद्यालय निरीक्षक अंशुमान, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शिवम पांडेय, जनप्रतिनिधिगण, शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, विभिन्न विद्यालयों के प्रधानाध्यापक, शिक्षक-शिक्षिकाएँ, छात्र-छात्राएँ तथा बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। पूरे कार्यक्रम के दौरान शिक्षा, शिक्षक सम्मान और छात्र कल्याण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता स्पष्ट रूप से परिलक्षित हुई।