मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना एवं छात्र हितैषी योजनाओं का भव्य शुभारम्भ
*कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद ने कहा—गरीब, शिक्षक और विद्यार्थी सरकार की प्राथमिकता, शिक्षा के माध्यम से बदलेगा प्रदेश का भविष्य*



नितेश श्रीवास्तव

भदोही। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा शिक्षा, शिक्षक कल्याण एवं छात्र हित को समर्पित विभिन्न महत्वाकांक्षी योजनाओं के शुभारम्भ के अवसर पर बुधवार को चित्रांगन लॉन, ज्ञानपुर में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारम्भ प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी द्वारा वर्चुअल माध्यम से किया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश सरकार के मत्स्य विभाग के कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद उपस्थित रहे। कार्यक्रम में मा. जिला पंचायत अध्यक्ष अनिरुद्ध त्रिपाठी, मा. विधायक ज्ञानपुर विपुल दुबे, मा. जिलाध्यक्ष भाजपा दीपक मिश्रा, जिलाधिकारी शैलेष कुमार व जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, शिक्षा विभाग के अधिकारियों, शिक्षकों, शिक्षिकाओं तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने सहभागिता की।
         कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना का औपचारिक शुभारम्भ किया गया। इस योजना के माध्यम से प्रदेश के लगभग 12 लाख शिक्षकों एवं उनके आश्रित परिवारजनों को गुणवत्तापूर्ण कैशलेस चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। यह योजना शिक्षकों को आर्थिक बोझ से राहत प्रदान करने के साथ-साथ उन्हें बेहतर स्वास्थ्य सुरक्षा उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
       इस अवसर पर प्रदेश के 1.10 करोड़ छात्र-छात्राओं के बैंक खातों में प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डीबीटी) के माध्यम से ₹1200 प्रति छात्र-छात्रा की धनराशि भेजने की घोषणा भी की गई। इस धनराशि का उपयोग यूनिफॉर्म, जूता, मोजा, स्वेटर, स्कूल बैग एवं स्टेशनरी जैसी आवश्यक शैक्षिक सामग्री की खरीद के लिए किया जाएगा। सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आर्थिक अभाव किसी भी बच्चे की शिक्षा में बाधा न बने और प्रत्येक विद्यार्थी सम्मानपूर्वक विद्यालय में अध्ययन कर सके।
           मुख्य अतिथि कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद ने अपने संबोधन में कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक विकास की किरण पहुँचाने के संकल्प के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि गरीब, वंचित, मछुआरा समाज, किसान, शिक्षक और विद्यार्थी सरकार की प्राथमिकता में हैं। शिक्षा और स्वास्थ्य किसी भी समाज के विकास की सबसे मजबूत नींव हैं। शिक्षक सुरक्षित और सम्मानित होंगे तो वे नई पीढ़ी को बेहतर दिशा देने का कार्य और अधिक प्रभावी ढंग से कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं का उद्देश्य केवल आर्थिक सहायता देना नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक वर्ग को आत्मनिर्भर, सुरक्षित और सशक्त बनाना है।
         कार्यक्रम के दौरान शिक्षकों एवं संविदा कर्मियों की सामाजिक सुरक्षा को और अधिक मजबूत बनाने के उद्देश्य से लगभग 10 लाख शिक्षकों एवं संविदा कर्मियों के हित में स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के साथ किए गए एमओयू की जानकारी भी साझा की गई। इस पहल के माध्यम से शिक्षकों और कर्मियों को सामाजिक सुरक्षा एवं वित्तीय संरक्षण से संबंधित विभिन्न सुविधाओं का लाभ उपलब्ध कराया जाएगा।
          कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्तर पर चयनित स्वच्छ एवं हरित विद्यालयों के प्रधानाचार्यों को सम्मानित किए जाने की घोषणा भी की गई। वक्ताओं ने कहा कि स्वच्छ, हरित एवं पर्यावरण अनुकूल विद्यालय न केवल विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षिक वातावरण प्रदान करते हैं, बल्कि उनमें स्वच्छता, अनुशासन और पर्यावरण संरक्षण के प्रति सकारात्मक सोच का भी विकास करते हैं।
          इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष अनिरुद्ध त्रिपाठी ने कहा कि मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना शिक्षकों एवं संविदा कर्मियों के लिए अत्यंत उपयोगी और दूरदर्शी पहल है। इससे शिक्षकों को गंभीर बीमारी की स्थिति में आर्थिक कठिनाइयों का सामना नहीं करना पड़ेगा और वे पूर्ण मनोयोग से अपने शैक्षिक दायित्वों का निर्वहन कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए निरंतर ऐतिहासिक निर्णय ले रही है।
         भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष दीपक मिश्रा ने कहा कि प्रदेश सरकार की प्रत्येक योजना समाज के अंतिम व्यक्ति तक लाभ पहुँचाने के उद्देश्य से संचालित की जा रही है। शिक्षक समाज का निर्माता होता है और उसके स्वास्थ्य, सुरक्षा एवं सम्मान की जिम्मेदारी सरकार ने जिस संवेदनशीलता के साथ निभाई है, वह सराहनीय है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को डीबीटी के माध्यम से मिलने वाली सहायता शिक्षा को और अधिक सुलभ एवं पारदर्शी बनाएगी।
            जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा जनपद में उल्लेखनीय कार्य किए जा रहे हैं। नवीन नामांकन अभियान में भदोही ने प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त कर जनपद का गौरव बढ़ाया है। उन्होंने कहा कि जनपद के शिक्षक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ-साथ नवाचार एवं सामाजिक उत्तरदायित्व के क्षेत्र में भी उत्कृष्ट कार्य कर रहे हैं। यहां के अनेक शिक्षक राज्यपाल एवं राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित हो चुके हैं, जो पूरे जनपद के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने विशेष रूप से महिला शिक्षिकाओं द्वारा शिक्षण, नवाचार और विद्यालय विकास में किए जा रहे उत्कृष्ट योगदान की सराहना करते हुए सभी शिक्षकों एवं शिक्षा विभाग की टीम को बधाई दी।
           जिलाधिकारी ने कहा कि शासन की सभी छात्र हितैषी योजनाओं का लाभ समयबद्ध एवं पारदर्शी ढंग से प्रत्येक पात्र छात्र तक पहुँचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने शिक्षा विभाग के अधिकारियों से योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, स्वच्छ वातावरण तथा विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर कार्य करने का आह्वान किया।
          कार्यक्रम में उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था को आधुनिक, पारदर्शी, तकनीक आधारित एवं शिक्षक-हितैषी बनाने के लिए लगातार ऐतिहासिक निर्णय ले रही है। शिक्षक कल्याण, विद्यार्थियों को समयबद्ध डीबीटी सहायता, सामाजिक सुरक्षा, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तथा स्वास्थ्य सुविधाओं जैसी योजनाएँ प्रदेश के शैक्षिक परिदृश्य को नई दिशा देने का कार्य करेंगी।
           प्रदेश सरकार के मा. कैबिनेट मंत्री  ने बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग द्वारा आयोजित कार्यक्रम में 10 लाभार्थियों को पोषण पोटली वितरित की। उन्होंने कहा कि बच्चों का बेहतर स्वास्थ्य, संतुलित पोषण और समुचित विकास सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। मंत्री ने अभिभावकों से बच्चों के नियमित स्वास्थ्य परीक्षण, पौष्टिक आहार एवं स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने की अपील की। कार्यक्रम में विभागीय अधिकारियों ने कुपोषण मुक्त समाज के लक्ष्य को साकार करने हेतु संचालित योजनाओं की जानकारी देते हुए जनसहभागिता बढ़ाने पर बल दिया।
            इस अवसर पर जिला विकास अधिकारी सपना अवस्थी, जिला विद्यालय निरीक्षक अंशुमान, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शिवम पांडेय, जनप्रतिनिधिगण, शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, विभिन्न विद्यालयों के प्रधानाध्यापक, शिक्षक-शिक्षिकाएँ, छात्र-छात्राएँ तथा बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। पूरे कार्यक्रम के दौरान शिक्षा, शिक्षक सम्मान और छात्र कल्याण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता स्पष्ट रूप से परिलक्षित हुई।
बारिश के बाद बढ़ेगा खतरा, संक्रामक बीमारियों को लेकर रहे सतर्क

*स्वास्थ्य विभाग की ओर से एडवाइजरी जारी, बचाव को किया जागरूक*


रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। बारिश का सीजन शुरू होते ही संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। जगह-जगह जलजमाव के कारण मच्छर जनित बीमारियों के पनपने का खतरा रहता है। इसके अलावा बारिश में भींगने से भी तमाम बीमारियों का खतरा बना रहता है। इस तरह मौसम में बचाव को लेकर स्वास्थ्य विभाग की ओर से विशेष एडवाइजरी जारी की गई है। जिसमें बारिश के मौसम में स्वास्थ्य सुरक्षा को लेकर बचाव को लेकर जागरूक किया गया है। जिले में मानसून लगभग 20 दिन की देरी से आया है। बारिश के मौसम में संक्रामक और मच्छरजनित बीमारियों का खतरा बना रहता है। ऐसे में मौसम में सेहत को लेकर भी विशेष सतर्क रहने की आवश्यकता है। जिला अस्पताल में इन दिनों औसतन 900 की ओपीडी हो रही है। अब बारिश होने के बाद संक्रामक बीमारी से संबंधित मरीजों की संख्या में इजाफा होगा। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने एडवाइजरी जारी कर लोगों को विशेष सावधान रहने की चेतावनी दी है। जिला अस्पताल के फिजीशियन डॉ. प्रदीप यादव ने बताया कि बारिश के मौसम में वातावरण में नमी और जगह-जगह पानी जमा होने के कारण बैक्टीरिया, वायरस और मच्छरों के पनपने का खतरा कई गुना बढ़ जाता है, जिससे संक्रामक बीमारियों, वायरल फीवर, और दूषित पानी से होने वाली समस्याओं का प्रकोप बढ़ जाता है। इसमें डेंगू और चिकनगुनिया और मलेरिया जैसी बीमारियां होती हैं। वहीं बारिश में भींगने से फंगल इंफेक्शन और सर्दी जुकाम जैसी भी समस्याएं होती हैं। ऐसे में इस तरह के मौसम में विशेष सतर्क रहने की जरूरत हैं।


इन बातों का रखें ध्यान
- घर के आसपास पानी जमा न होने दें।
- खानपान का विशेष ध्यान रखें, बाहर का खाने से बचें।
- घर के अंदर और बाहर साफ-सफाई का विशेष ध्यान दें।
- बारिश में भींगने के बाद तत्वा संबंधी बीमारी से बचने के लिए शरीर को अच्छे से सुखाएं।
अब अंगूठा बताएगा ड्यूटी पर कौन है
*बायोमीट्रिक हाजिरी से सीएचओ और एएनएम के मनमानी पर लगेगी अंकुश*



रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। मुख्यालय पर निवास न करने वाली एएनएम, सीएचओ की अब सांसत बढ़ने वाली है। इनकी बायोमीट्रिक से हाजिरी लगेगी। स्वास्थ्य विभाग की ओर से अब आयुष्मान आरोग्य मंदिर पर बायोमीट्रिक मशीन लगाई जाएगी। इससे सेंटर पर देर से पहुंचने वाली और गायब रहने वाली एएनएम व सीएचओ की मनमानी पर अंकुश लग सकेगी।

जिले में कुल 206 उपकेंद्र संचालित है। ज्यादातर एएनएम, सीएचओ मुख्यालय के बाहर निवास करते हैं। सीएमओ के हिदायत के बाद भी इनके कार्य प्रणाली में सुधार नहीं दिख रहा है। ग्रामीण अंचल में बेहतर स्वास्थ्य सुविधा के दृष्टिकोण से आयुष्मान आरोग्य मंदिर (उप स्वास्थ्य केंद्र) संचालित है। यहां ज्यादातर गर्भवती महिलाओं का उपचार और बच्चों संग टीकाकरण किया जाता है। यहां एएनएम, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी की तैनाती है। बीते छह महीने से जब भी सीएमओ किसी सेंटर का निरीक्षण करते हैं तो पता चलता है कि सीएचओ, एएनएम मौके से नदारद है। इसका मुख्य कारण है कि वह मुख्यालय पर निवास नहीं करती है।


सीएमओ तीन बजे के बाद निरीक्षण करते हैं। इससे उनकी पोल खुल जाती है। प्रसूताओं को उपचार के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का चक्कर लगाना पड़ता है। इस समस्या को दूर करने को लेकर अब आयुष्मान आरोग्य मंदिरों पर बायोमीट्रिक मशीन लगवाई जाएगी। विभागीय स्तर से इसकी तैयारी शुरू कर दी गई है। इसका प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा जा रहा है। अनुमति मिलते ही मशीन लगाने का कार्य शुरू किया जाएगा। मशीन स्थापित होने के बाद मरीजों को बेहतर उपचार मिलेगा। 24 घंटे मुख्यालय पर एएनएम, सीएचओ मिलेगी। बायोमीट्रिक मशीन और रजिस्टर से दोनों हाजिरी मिलान करने के बाद वेतन देय होगा।



आरोग्य मंदिर पर बायोमीट्रिक मशीन लगाने की कवायद चल रही है। इसके लिए प्रस्ताव बना लिया गया है। जिसे शासन को भेजा जाएगा। अनुमति मिलने के मशीन लगाई जाएगी। मशीन लगने के बाद स्वास्थ्यकर्मी के कार्य प्रणाली में सुधार होगा। - डॉ. एसके चक, सीएमओ, भदोही
ज्ञानसरोवर का होगा जीर्णोद्धार, 15 लाख रुपये स्वीकृत:वंदन योजना के तहत सीढ़ियों की मरम्मत, 24 बेंच और तिरंगा लाइटें लगेंगी
नितेश श्रीवास्तव


भदोही। नगर सिद्धपीठ बाबा हरिहर नाथ मंदिर के सामने स्थित ज्ञानसरोवर का जल्द ही जीर्णोद्धार और सुंदरीकरण किया जाएगा। इसके लिए प्रशासन ने 15 लाख रुपये की स्वीकृति दी है। इस राशि से सरोवर की सीढ़ियों की मरम्मत की जाएगी, साथ ही स्ट्रीट लाइटें और सीमेंटेड बेंच भी लगाई जाएंगी।

यह कार्य वंदन योजना के तहत नगर पंचायत द्वारा कराया जाएगा। शासन की ओर से बजट की स्वीकृति मिलने के बाद अब निविदा प्रक्रिया शुरू की जा रही है। ज्ञानसरोवर के चारों ओर स्ट्रीट लाइटें लगाई जाएंगी और बैठने के लिए 24 सीमेंटेड बेंच बनाए जाएंगे।

इसके अतिरिक्त, सरोवर के बीच स्थित पोल पर तिरंगा रंग की लाइटें लगाने की भी तैयारी है। बाबा हरिहरनाथ मंदिर एक प्राचीन सिद्धपीठ है, जिससे नगर की पहचान जुड़ी है। मंदिर के सामने स्थित ज्ञानसरोवर भी काफी पुराना है और समय-समय पर यहां सौंदर्यीकरण के कार्य होते रहे हैं।

ज्ञानपुर के चेयरमैन डॉ. घनश्यामदास गुप्ता ने बताया कि वंदन योजना के तहत 15 लाख रुपये के बजट को स्वीकृति मिली है। प्रस्ताव के अनुसार, जर्जर सीढ़ियों की मरम्मत, बेंच और लाइट लगाने जैसे कार्य किए जाएंगे।
भदोही अपर पुलिस अधीक्षक ने बीट पुलिसकर्मियों के रजिस्टर जाँचे:यक्ष ऐप व हिस्ट्रीशीटर निगरानी का भौतिक सत्यापन, दिए कड़े निर्देश

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। अपर पुलिस अधीक्षक शुभम अग्रवाल ने पुलिस कार्यालय में जनपद के समस्त थानों से आए बीट कांस्टेबलों/हेड कांस्टेबलों की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक ली। इस दौरान उन्होंने बीट पुलिसिंग को अधिक सक्रिय, मुस्तैद और पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा की।

बैठक में, अपर पुलिस अधीक्षक ने बीट पुलिसकर्मियों के पास उपलब्ध हिस्ट्रीशीटर (HS) निगरानी रजिस्टर तथा नकबजनी व चोरी के अभियुक्तों के निगरानी रजिस्टरों का गहनता से अवलोकन और भौतिक सत्यापन किया। उन्होंने प्रत्येक बीट पुलिसकर्मी के मोबाइल में यक्ष (YAKSH) ऐप की सक्रियता और उस पर किए गए सत्यापन के विवरण की लाइव चेकिंग भी की।

शुभम अग्रवाल ने सभी कर्मियों को बीट स्तर पर अपराधियों की कड़ाई से निगरानी करने और यक्ष ऐप पर डेटा को नियमित रूप से अपडेट रखने के संबंध में कड़े दिशा-निर्देश दिए। इस त्वरित और सीधी कार्रवाई का लक्ष्य जनपदीय बीट पुलिसिंग को और अधिक प्रभावी बनाना है।
राम मंदिर चोरी के दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा: संजय निषाद


रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव
भदोही। संजय निषाद ने राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी के मामले में कहा कि जो भी दोषी पाया जाएगा, उसे सरकार सख्त सजा दिलाएगी। ज्ञानपुर में निषाद पार्टी के बूथ कार्यकर्ता सम्मेलन में पहुंचे संजय निषाद ने पत्रकारों से बातचीत में रामायण का उदाहरण देते हुए कहा कि कौन कब बेईमान हो जाए, यह कहा नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि जैसे भगवान राम ने बाली का वध किया था, उसी तरह चोरी के किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और सभी आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई होगी।
सम्मेलन के दौरान समर्थक द्वारा नोटों की माला पहनाए जाने पर पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि वे निषादराज के वंशज हैं और जिसकी जैसी आस्था होती है, वह उसी भाव से सम्मान करता है।
बाइट: संजय निषाद, कैबिनेट मंत्री, अध्यक्ष निषाद पार्टी
12 जुलाई को जनपद में होगा वृहद ‘वृक्षारोपण महायज्ञ’

*“एक पेड़ माँ के नाम” अभियान से जुड़कर हर नागरिक निभाए पर्यावरण संरक्षण की जिम्मेदारी : जिलाधिकारी*




रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जनपद में 12 जुलाई, 2026 को प्रदेशव्यापी वृक्षारोपण महायज्ञ का आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर विभिन्न विभागों के सहयोग से जनपद में 14.46 लाख पौधों के रोपण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। जिलाधिकारी जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने जनपदवासियों से इस महाअभियान में बढ़-चढ़कर सहभागिता करने की अपील करते हुए कहा कि वृक्षारोपण केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि प्रकृति, पर्यावरण और आने वाली पीढ़ियों के प्रति हमारा नैतिक दायित्व है।

जिलाधिकारी ने कहा कि माननीय प्रधानमंत्री जी के "एक पेड़ माँ के नाम" अभियान तथा माननीय मुख्यमंत्री जी के मार्गदर्शन में संचालित यह अभियान जनभागीदारी का महापर्व है। उन्होंने सभी नागरिकों से आग्रह किया कि 12 जुलाई को अपनी मां के नाम कम से कम एक पौधा अवश्य लगाएं और उसके संरक्षण एवं पालन-पोषण का भी संकल्प लें। उन्होंने कहा कि पौधा लगाना जितना महत्वपूर्ण है, उसे जीवित रखना उससे कहीं अधिक आवश्यक है।

जिलाधिकारी ने कहा कि प्रत्येक नागरिक अपने घर, खेत की मेड़, विद्यालय, पंचायत भवन, स्वास्थ्य केंद्र, आंगनबाड़ी केंद्र, सार्वजनिक स्थल, सड़क किनारे, नदियों, नालों तथा अमृत सरोवरों के आसपास अधिकाधिक वृक्षारोपण कर इस अभियान को जन-जन का उत्सव बनाए। वृक्ष पर्यावरण संरक्षण, जल संरक्षण, स्वच्छ वायु, जैव विविधता एवं जलवायु संतुलन के सबसे प्रभावी माध्यम हैं।

उन्होंने कहा कि जनपद में निर्धारित 14.46 लाख पौधों का लक्ष्य तभी सार्थक होगा, जब समाज का प्रत्येक वर्ग इसमें सक्रिय भागीदारी निभाए। यह अभियान केवल एक दिन का कार्यक्रम नहीं, बल्कि हरित एवं समृद्ध भविष्य की आधारशिला है।

जिलाधिकारी ने जनपद के सभी जनप्रतिनिधियों, ग्राम प्रधानों, पंचायत प्रतिनिधियों, ब्लॉक प्रमुखों, जिला पंचायत अध्यक्ष एवं सदस्यों, सांसद एवं विधायकगण, विधान परिषद सदस्यों, न्यायिक एवं प्रशासनिक अधिकारियों, शिक्षकों, छात्र-छात्राओं, स्वयं सहायता समूहों, किसान भाइयों, युवा संगठनों, स्वयंसेवी संस्थाओं, उद्योग एवं व्यापार जगत, सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों सहित सभी नागरिकों से इस महाअभियान में उत्साहपूर्वक भाग लेने की अपील की।

जिलाधिकारी ने संबंधित विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिया कि अपने-अपने विभागों में आवंटित लक्ष्य के अनुरूप पौधारोपण शत प्रतिशत सुनिश्चित कराए संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि वृक्षारोपण महायज्ञ की सभी तैयारियां समय से पूर्ण कर ली जाएं तथा पौधों की उपलब्धता, रोपण स्थलों का चयन, गड्ढों की तैयारी, पौधों के संरक्षण एवं नियमित देखभाल की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। प्रत्येक विभाग को निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण वृक्षारोपण एवं उसके पश्चात पौधों के संरक्षण की जिम्मेदारी गंभीरता से निभानी होगी।

जिलाधिकारी ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल शासन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। यदि प्रत्येक परिवार अपनी मां के सम्मान में एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल का संकल्प ले, तो जनपद ही नहीं, पूरा प्रदेश हरित एवं समृद्ध बन सकता है।

उन्होंने जनपदवासियों से पुनः आग्रह किया कि 12 जुलाई को अपने परिवार, मित्रों एवं समाज के साथ “एक पेड़ माँ के नाम” अवश्य लगाएं, उसकी नियमित देखभाल करें तथा इस अभियान को जनआंदोलन का स्वरूप प्रदान करें।
धमकी देकर शादी का दबाव बनाने वाला गिरफ्तार: पीड़िता की निजता भंग कर जाली दस्तावेज बनाए थे

नितेश

भदोही। गोपीगंज पुलिस ने एक ऐसे व्यक्ति को गिरफ्तार किया है, जिसने एक महिला को जान से मारने की धमकी देकर शादी का दबाव बनाया था। आरोपी ने पीड़िता की निजता का उल्लंघन करते हुए जाली इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड बनाए और उनका इस्तेमाल कर ब्लैकमेल किया। पीड़िता ने थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि एक अज्ञात व्यक्ति उसे लगातार जान से मारने की धमकी दे रहा था और शादी के लिए दबाव बना रहा था। आरोपी ने पीड़िता के निजी डेटा और तस्वीरों से छेड़छाड़ कर फर्जी इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड (फर्जी प्रोफाइल/दस्तावेज) तैयार किए थे।
इन जाली रिकॉर्ड्स को वायरल करने की धमकी देकर वह पीड़िता को ब्लैकमेल कर रहा था। भदोही के पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी के निर्देश और अपर पुलिस अधीक्षक शुभम अग्रवाल के पर्यवेक्षण में यह कार्रवाई की गई। थाना गोपीगंज पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर आरोपी को मिर्जापुर तिराहे से गिरफ्तार किया। आरोपी के खिलाफ धारा 308(5), 352, 351(3), 336(4), 338 बीएनएस और 66ई, 67ए आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है।
गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान पवन गुप्ता पुत्र मनोज गुप्ता, निवासी करसौता, थाना घोरावल, जनपद सोनभद्र, उम्र 25 वर्ष के रूप में हुई है। उसे विधिक कार्रवाई के बाद जेल भेज दिया गया है। गिरफ्तार करने वाली टीम में निरीक्षक अपराध विजय प्रताप सिंह और कांस्टेबल सुरेंद्र गहलोत, थाना गोपीगंज, जनपद भदोही शामिल थे।
राम मंदिर में चढ़ावा चोरी पर कांग्रेस की पदयात्रा: दोषियों पर निष्पक्ष जांच और कठोर कार्रवाई की मांग

नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भदोही में मंगलवार को जिला कांग्रेस कमेटी ने राम मंदिर में चढ़ावा चोरी के विरोध में 'सद्बुद्धि पदयात्रा' निकाली। यह पदयात्रा उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देश पर आयोजित की गई थी। पदयात्रा का नेतृत्व जिला कांग्रेस कमेटी भदोही के अध्यक्ष वसीम अंसारी ने किया।
पदयात्रा का शुभारंभ ज्ञानपुर स्थित गांधी पार्क में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा पर माल्यार्पण के साथ हुआ। इसके बाद कांग्रेस कार्यकर्ता ज्ञानपुर-दुर्गागंज मार्ग से होते हुए नारे लगाते हुए दूधनाथ मंदिर पहुंचे। मंदिर में भगवान के समक्ष पूजा-अर्चना कर दोषियों और सत्ता में बैठे लोगों को सद्बुद्धि देने की प्रार्थना की गई। इस अवसर पर मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कोऑर्डिनेटर दयाशंकर पांडेय ने कहा कि भगवान श्रीराम देशवासियों की आस्था, मर्यादा और संस्कृति के प्रतीक हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने प्रभु श्रीराम को आस्था के बजाय राजनीति का माध्यम बना दिया है।
पांडेय ने कहा कि चुनाव के समय भगवान श्रीराम के नाम पर राजनीति करने वाली भाजपा आज राम मंदिर में चढ़ावा चोरी जैसी गंभीर घटनाओं पर मौन है। उन्होंने जोर दिया कि यदि सरकार वास्तव में रामभक्त होती, तो मंदिरों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होती। कांग्रेस का मानना है कि प्रभु श्रीराम किसी एक दल के नहीं, बल्कि पूरे देश की आस्था के केंद्र हैं। जिला कांग्रेस कमेटी भदोही के अध्यक्ष वसीम अंसारी और पूर्व जिला अध्यक्ष डॉ. राजेंद्र कुमार राजन ने एक संयुक्त बयान जारी किया। उन्होंने कहा कि राम मंदिर में चढ़ावा चोरी की घटना प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगाती है। उन्होंने आरोप लगाया कि जिस सरकार ने भगवान श्रीराम के नाम पर राजनीति कर सत्ता हासिल की, उसी के कार्यकाल में मंदिर भी सुरक्षित नहीं हैं। अंसारी और राजन ने कहा कि जांच के नाम पर केवल 'छोटी मछलियों' को पकड़कर मामले को खत्म करने का प्रयास किया जा रहा है, जबकि इस पूरे प्रकरण के असली और बड़े जिम्मेदार अभी भी कानून की पकड़ से बाहर हैं। कांग्रेस पार्टी ने पूरे मामले की निष्पक्ष, पारदर्शी एवं उच्चस्तरीय जांच की मांग की है, ताकि सच जनता के सामने आ सके।


इस अवसर पर निवर्तमान प्रदेश सचिव राकेश कुमार मौर्य, पूर्व विधानसभा प्रत्याशी सुरेश चंद्र मिश्रा ,प्रेम बिहारी उपाध्याय ,राजेश्वर दुबे, सुरेश उपाध्याय मुशीर इकबाल त्रिलोकी नाथ बिंद, अवधेश पाठक, स्वालेह अंसारी मनोज गौतम, नाजिम अली सुरेश चौहान शिवपूजन मिश्रा रमाशंकर बिंद ,दुर्गेश कुमार तिवारी , शमशीर अहमद,अजय कुमार प्रजापति, गुलजारी उपाध्याय ,राजेश पांडेय, मृत्युंजय सिंह टोनी, शक्ति मिश्रा, राकेश पाल, धीरज पाल ,विशाल गौतम, राकेश मिश्रा, राजनाथ यादव, राम सजीवन गौतम,  अभिमन्यु यादव सचिन मिश्रा दिलीप सिंह, विजय शंकर दुबे, आजाद हुसैन ,विनोद गौतम, गुलाब धरप्रजापति मकोई लाल बिन्द इत्यादि लोग उपस्थित रहे.
फर्जी अल्ट्रासाउंड सेंटर पर होगी कार्रवाई: सीएमओ


*जिलेभर में करीब 53 अल्ट्रासाउंड केंद्र है पंजीकृत*

नितेश श्रीवास्तव

भदोही । जिले में अल्ट्रासाउंड सेंटरों पर स्वास्थ्य विभाग द्वारा गहन जांच गठित टीम द्वारा की जाएगी। जांच में अल्ट्रासाउंड सेंटर का संचालन फर्जी मिला तो सख्त कार्रवाई की जाएगी। सीएमओ डॉ. संतोष कुमार चक ने बताया कि 90 दिन में अल्ट्रासाउंड सेंटर की जांच को टीम गठित हो चुका है। जिले में करीब मात्र 53 अल्ट्रासाउंड केंद्र पंजीकृत हैं। जांच को तीन सदस्यीय टीम का गठन हो चुका है डिप्टी सीएमओ और सीएचसी के अधीक्षक शामिल होंगे। जांच में कमियां मिलती है तो संचालकों के खिलाफ कार्रवाई होना तय है। अवैध अल्ट्रासांउड संचालन की शिकायत पूर्व में मिली थी। जांच को तीन सदस्यीय टीम का गठन होगा। हर 90 दिन में केंद्रों की जांच कर सख्त कार्रवाई की जाएगी। जिले में कुल 53 अल्ट्रासाउंड केंद्र ऐसे हैं जो पंजीकृत हैं। स्वास्थ्य विभाग की टीम स्थलीय जांच कर उचित कार्रवाई करेगी।