/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs1/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs4/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs5/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs1/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs4/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs5/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs1/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs4/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs5/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs1/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs4/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs5/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs1/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs4/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs5/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs1/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs4/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs5/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs1/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs4/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs5/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs1/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs4/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs5/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs1/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs4/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs5/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs1/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs4/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/ajaydev/system/../storage/avatars/thumbs5/1496467143592709.png StreetBuzz मिस्टर सिंह हमारी सड़कों से हटिए', अमेरिका में भारतीय ड्राइवरों पर नस्लीय टिप्पणी Jharkhand
मिस्टर सिंह हमारी सड़कों से हटिए', अमेरिका में भारतीय ड्राइवरों पर नस्लीय टिप्पणी

#mrsinghleavethecountryremarkdirectedindiandriversusdhs_advertisement

अमेरिका के होमलैंड सिक्योरिटी विभाग (DHS) द्वारा सोशल मीडिया पर शेयर किया गया एक एआई-जनरेटेड पोस्टर से विवाद बढ़ गया है। पोस्टर को आलोचक 'नस्लवादी' तथा 'भारत विरोधी' बता रहे हैं। जिसमें ‘मिस्टर सिंह’ से खुद देश छोड़कर जाने के लिए कहा गया। भारतीय-अमेरिकियों को निशाना बनाने वाले इस पोस्टर में 'सेल्फ-डिपोर्ट या परिणाम भुगतने' जैसी चेतावनी दी गई है।

विज्ञापन में क्या

यूएस डिपार्टमेंट ऑफ होमलैंड सिक्योरिटी के हालिया इमिग्रेशन लागू करने वाले विज्ञापन में ट्रांसफॉर्मर्स फिल्म की पैरोडी वाले पोस्टर में एक रोबोट, सिर पर कपड़ा बांधे गोरे (वाइट) का सामना करता हुआ दिखाया गया है, जिसे मिस्टर सिंह कहा गया है। विज्ञापन में 'ट्रांसफॉर्मर्स' फ्रैंचाइजी के मुख्य किरदार 'ऑप्टिमस प्राइम' को DHS का आर्म पैच पहने हुए दिखाया गया है। वह भूरी दाढ़ी वाले आदमी का सामना करते हुए कहता है, 'हमारी सड़कों से हट जाओ, तुम्हें गाड़ी चलाना नहीं आता, मिस्टर सिंह।'

एक वीडियो क्लिप भी किया गया पोस्ट

एक्स पर इससे संबंधित पोस्ट में एक छोटा वीडियो क्लिप दिखाया गया है जिसमें ट्रांसफॉर्मर्स फ्रैंचाइजी का मुख्य खलनायक मेगाट्रॉन, एलियंस की रिहाई के लिए बातचीत कर रहा है। यह शब्द अमेरिकी प्रशासन विदेशी नागरिकों के लिए इस्तेमाल करता है। मेगाट्रॉन को ट्रक ड्राइवरों हरजिंदर सिंह, राजिंदर कुमार, बेकजान बेशेकीव, अखरोर बोजोरोव और जसवीर सिंह की रिहाई की कोशिश करते हुए दिखाया गया है, जो सड़क दुर्घटनाओं और अन्य अपराधों में शामिल थे।

'खुद देश छोड़ने या अंजाम भुगतने की धमकी

डीएचएस ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, 'अगर आप इस देश के खिलाफ दुश्मनी भरी नीयत से आते हैं, तो यह जान लें हम अपना बचाव करेंगे। हम अमेरिकन मूल्यों की रक्षा करेंगे। हम अपने देश की रक्षा करेंगे। एक अन्य पोस्ट में ट्रांसफॉर्मर्स फ्रैंचाइजी के मुख्य नायक ऑप्टिमस प्राइम को दिखाया गया है, जिसके हाथ पर डीएचएस का एक बैज लगा है। वह भूरी दाढ़ी वाले व्यक्ति का सामना करते हुए संदेश दे रहा है। 'खुद देश छोड़ दें या अंजाम भुगतें'

हिंदू अमेरिकन फाउंडेशन में नाराजगी

सिंह सरनेम हिंदू और सिख धर्म मानने वाले बहुत से लोगों का होता है। यह समूह अमेरिकी ट्रकिंग वर्कफोर्स का एक बड़ा हिस्सा है। इससे साफ है कि पोस्टर में सिंह लिखा जाना भारतीय मूल के लोगों को निशाना बनाने की ओर इशाका करती है। विज्ञापन में मिस्टर सिंह के जिक्र की हिंदू अमेरिकन फाउंडेशन और सिख कोएलिशन जैसे संगठनों ने आलोचना की है। संगठन ने एक्स पर लिखा कि 'सिंह' हिंदू होते हैं, सिख होते हैं, अमेरिकी होते हैं और वे गाड़ी चलाते हैं। इस नस्लवादी, भारत-विरोधी प्रोफाइलिंग से अमेरिका की सामूहिक अंतरात्मा को झटका लगना चाहिए।

मिशन 2029 की तैयारी में बीजेपी, मोर्चों के प्रभारी बदले, बैजयंत पांडा को ओबीसी और सतीश पूनिया को एसटी मोर्चे की कमान

#bjpannouncesmorchainchargesprabharifulllistobcmorchabaijayant_panda

आगामी विधानसभा चुनावों के मद्देनजर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) संगठनात्मक मजबूती को लेकर सक्रिय हो गई है। इसी क्रम में पार्टी ने गुरुवार को संगठन में मोर्चों के प्रभारियों का ऐलान कर दिया। बीजेपी ने अलग-अलग सामाजिक और संगठनात्मक समूहों के बीच अपनी पहुंच को और मजबूत करने के लिए नेताओं को नई जिम्मेदारियां सौंपी हैं।

किस नेता को कौन सी मिली जिम्मेदारी?

हरीश द्विवेदी को भारतीय जनता युवा मोर्चा का प्रभारी बनाया गया है। वहीं, डी. पुरंदेश्वरी को महिला मोर्चा की जिम्मेदारी दी गई है। अनुसूचित जाति (SC) मोर्चा का प्रभारी संजय भाटिया को नियुक्त किया गया है। इसके अलावा, बैजयंत पांडा को अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) मोर्चा का प्रभारी बनाया गया है। किसान मोर्चा की जिम्मेदारी लाल सिंह आर्य को दी गई है, जबकि सतीश पूनिया अनुसूचित जनजाति (ST) मोर्चा के प्रभारी होंगे। पार्टी ने गजेंद्र पटेल को अल्पसंख्यक मोर्चा का प्रभारी नियुक्त किया है।

17 अगस्त को किया था टीम नवीन का ऐलान

इससे पहले 17 अगस्त को, बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने अपनी नई टीम का ऐलान किया था। इस टीम में कई अहम चेहरों को जगह दी गई। पार्टी की ओर से राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष की जिम्मेदारी पीयूष गोयल, राष्ट्रीय सह कोषाध्यक्ष की जिम्मेदारी राजेश मंगल को दी गई है। वहीं, राष्ट्रीय महामंत्री की जिम्मेदारी बी.एल संतोष को दी गई है। उधर, सहायक मंत्री पद की जिम्मेदारी शिप्रकाश और सौदान सिंह को दी गई है।

जेल से बाहर नहीं आ पाएगा अबू सलेम, हाई कोर्ट के बाद सुप्रीम कोर्ट ने भी दिया झटका

#abusalemprematurereleasein1993bombayblastscasesupremecourtdismissplea

साल 1993 के मुंबई सिलसिलेवार बम धमाकों के आरोपी और गैंगस्टर अबू सलेम को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। अदालत ने आजीवन कारावास की सजा काट रहे सालेम की समय पूर्व रिहाई की मांग वाली याचिका को खारिज कर दिया है। इसका मतलब यह है कि अबू सलेम जेल से बाहर नहीं आ सकेगा. उसका कानूनी तिकड़म फेल हो गया है।

बॉम्बे हाईकोर्ट का फैसला बरकरार

अबू सलेम की समय से पहले रिहाई वाली याचिका को सुप्रीम कोर्ट ने खारिज कर दिया है। उसकी याचिका पहले बॉम्बे हाई कोर्ट से भी खारिज हुई थी। जिसके बाद अबू सलेम के वकील ने सर्वोच्च अदालत का रुख किया था। लेकिन शीर्ष अदालत ने रिहाई की मांग वाली याचिका खारिज करते हुए बॉम्बे हाईकोर्ट का रिहा ना करने का फैसला बरकरार रखा।

बॉम्बे हाईकोर्ट के उस फैसले को सही ठहराया

न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति संदीप मेहता की पीठ ने बॉम्बे हाईकोर्ट के उस फैसले को सही ठहराया, जिसमें सलेम की रिहाई की अर्जी को खारिज कर दिया गया था। शीर्ष अदालत ने उच्च न्यायालय के निर्णय में किसी भी प्रकार की कानूनी त्रुटि मानने से इनकार कर दिया।

नासिक सेंट्रल जेल में बंद है सलेम

बता दें कि अबू सलेम अभी नासिक सेंट्रल जेल में बंद है। सलेम ने पुर्तगाल से हुए प्रत्यर्पण संधि के तहत 25 साल की सजा पूरी होने का दावा करते हुए रिहाई की याचिका भी लगाई थी, जिसे सुप्रीम कोर्ट ने खारिज कर दिया है।

2030 में अबू सलेम की सजा का 25 साल होगा पूरा

अबू सलेम की तरफ से कहा गया है कि सजा में मिलने वाली छूट को जोड़ने पर उसने 25 साल की सजा पूरी कर ली है, इसलिए उसे रिहा किया जाए। हालांकि हाईकोर्ट ने कहा था कि उसकी याचिका समय से पहले दायर की गई है, उसकी 25 साल की अवधि 2030 में पूरी होगी। सलेम ने हाईकोर्ट के आदेश को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है।

भारत आ रहे चीनी राष्ट्रपति? ब्रिक्स समिट के लिए जिनपिंग के दिल्ली दौरे पर सस्पेंस

#willxijinpingattendbricssummitchinahasnotyetresponded

भारत इस सप्ताह दुनिया की बड़ी उभरती अर्थव्यवस्थाओं के नेताओं की मेजबानी करने जा रही है। भारत 12 और 13 सितंबर को राजधानी के भारत मंडपम में 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सम्मेलन की मेजबानी करेंगे। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन का सम्मेलन में शामिल होना तय हो गया है। हालांकि, चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के नई दिल्ली आने पर अभी तक संशय बना हुआ है।

चीनी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता माओ निंग से मंगलवार को पूछा गया कि चीन की ओर से समिट में कौन शामिल होगा। उन्होंने कहा कि चीन ब्रिक्स सहयोग को बहुत महत्व देता है और भारत के सफल सम्मेलन आयोजित करने का समर्थन करता है। हालांकि, उन्होंने चीनी डेलिगेशन या जिनपिंग की मौजूदगी पर कोई साफ जवाब नहीं दिया। उन्होंने कहा कि अगर कोई नई जानकारी होगी तो उसे बताया जाएगा।

क्या है चीन की चुप्पी की वजह?

नई दिल्ली में 11 सितंबर से ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में शामिल होने की बात रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन समेत ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन कर चुके हैं। लेकिन चीन की तरफ से अभी तक पुष्टि नहीं की गई है कि राष्ट्रपति शी जिनपिंग आएंगे या नहीं। जबकि बिश्केक में पिछले महीने अंत में आयोजित एससीओ शिखर सम्मेलम में शी जिनपिंग के शामिल होने की पुष्टि बीजिंग ने करीब 10 दिन पहले कर दी थी।

मोदी ने 2025 में शी को दिया था न्योता

भारत ने अगस्त 2025 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की चीन यात्रा के दौरान शी जिनपिंग को 2026 ब्रिक्स समिट में आने का न्योता दिया था। भारतीय विदेश मंत्रालय के मुताबिक, जिनपिंग ने मोदी के न्योते के लिए धन्यवाद दिया था और भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता का समर्थन किया था। लेकिन न्योता मिलने का मतलब जिनपिंग का सम्मेलन में आना तय होना नहीं है।

जिनपिंग की भारत यात्रा क्यों होगी खास?

शी जिनपिंग की यात्रा पर सबकी नजर इसलिए भी क्योंकि अगर वो दिल्ली आते हैं तो 2019 के बाद उनकी ये पहली भारत यात्रा होगी। जिनपिंग की संभावित मौजूदगी इस सम्मेलन की सबसे महत्वपूर्ण घटनाओं में से एक होगी। सम्मेलन से इतर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और शी जिनपिंग के बीच द्विपक्षीय मुलाकात की भी व्यापक उम्मीद है। दोनों देशों के बीच जटिल संबंधों के बीच ब्रिक्स का मंच उच्चस्तरीय संवाद का एक और रास्ता उपलब्ध करा सकता है।

स्वर्गीय सुदिव्य कुमार की स्मृति में शोकसभा आयोजित, पदाधिकारियों एवं कर्मियों ने अर्पित किए श्रद्धासुमन

माननीय मंत्री स्वर्गीय श्री सुदिव्य कुमार की स्मृति में आज दिनांक 09 सितंबर 2026 को अपराह्न 5:00 बजे FFP Building के Meeting Hall में शोकसभा का आयोजन किया गया।

शोकसभा में पर्यटन, कला-संस्कृति, खेलकूद एवं युवा कार्य विभाग, झारखंड सरकार के पदाधिकारियों एवं कर्मियों के साथ-साथ Project Building में कार्यरत विभिन्न विभागों के पदाधिकारियों एवं कर्मियों ने उपस्थित होकर दिवंगत माननीय मंत्री जी को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की तथा उनके चित्र पर श्रद्धासुमन अर्पित किए।

इस अवसर पर स्वर्गीय श्री सुदिव्य कुमार के जीवन, व्यक्तित्व, जनसेवा तथा उनके कार्यों को समर्पित एक विशेष Tribute Video भी प्रदर्शित किया गया। वीडियो के माध्यम से उनके सार्वजनिक जीवन की स्मृतियों, महत्वपूर्ण कार्यों एवं राज्य तथा जनहित के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को स्मरण किया गया। उपस्थित सभी लोगों ने भावपूर्ण वातावरण में उन्हें याद किया।

शोकसभा के दौरान वक्ताओं ने स्वर्गीय श्री सुदिव्य कुमार के सरल एवं सहज व्यक्तित्व, जनसेवा के प्रति समर्पण तथा राज्य के विकास के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को याद करते हुए उनके असामयिक निधन को राज्य के लिए अपूरणीय क्षति बताया।

कार्यक्रम के अंत में उपस्थित पदाधिकारियों एवं कर्मियों ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की और शोक-संतप्त परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए उन्हें सादर नमन एवं श्रद्धांजलि अर्पित की।

— पर्यटन, कला-संस्कृति, खेलकूद एवं युवा कार्य विभाग

झारखंड सरकार

जल जीवन मिशन के तहत उत्कृष्ट कार्य करने वाली 8 जल सहियाओं को मिला विशेष सम्मान

श्री अबु इमरान, सचिव, पेयजल एवं स्वच्छता विभाग ने जल जीवन मिशन अंतर्गत ग्रामीण क्षेत्रों में नियमित एवं सुरक्षित पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने तथा जलापूर्ति योजनाओं के प्रभावी रूप से संचालन एवं रख-रखाव में उत्कृष्ट योगदान देने वाली राज्य की 8 जलसहियाओं को विशेष प्रशस्ति-पत्र, स्मृति चिन्ह और अंग वस्त्र देकर सम्मानित किया। सचिव ने इन जल सहायिकाओं के काम की तारीफ़ की और झारखंड की सभी दूसरी जल सहायिकाओं को भी ऐसा ही करने के लिए प्रोत्साहित किया। नेपाल हाउस में आयोजित कार्यक्रम में जल सहिया दीदी ने अपने अनुभव भी साझा किया।

सम्मानित होने वाली जलसहियाओं में बोकारो जिले की 5 तथा रांची जिले की 3 जलसहिया शामिल हैं।

सम्मानित जलसहियाओं ने अपने-अपने ग्राम एवं पंचायतों में जल एवं स्वच्छता समिति (VWSC) के साथ सक्रिय समन्वय एवं सहभागिता करते हुए जल जीवन मिशन की योजनाओं के संचालन एवं रख-रखाव को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने जलापूर्ति व्यवस्था में आने वाली समस्याओं की पहचान एवं सूचना, जल की सुरक्षित गुणवत्ता, जल संरक्षण तथा पानी के सुरक्षित एवं विवेकपूर्ण उपयोग के प्रति समुदाय को जागरूक करने में भी सराहनीय योगदान दिया है।

जलसहियाएं ग्रामीण परिवारों को उपयोगकर्ता शुल्क के महत्व के प्रति जागरूक करने तथा जल एवं स्वच्छता समिति के साथ समन्वय स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। इससे योजनाओं के संचालन एवं आवश्यक रख-रखाव के लिए स्थानीय स्तर पर सामुदायिक योगदान को बढ़ावा मिलता है।

यह सम्मान जल जीवन मिशन के क्रियान्वयन में जल सहियाओं की वास्तविक कार्य, कार्य स्थल पर होने वाले चुनौतियों का समाधान करते हुए उनकी भूमिका औरयोगदान को पहचानने एवं प्रोत्साहित करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। साथ ही यह अन्य जल सहियाओं और ग्रामीण समुदायों को योजनाओं के सतत संचालन एवं जल सेवा की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए प्रेरित करेगा।

जल जीवन मिशन का लक्ष्य केवल ग्रामीण परिवारों तक नल के माध्यम से पानी पहुंचाना नहीं, बल्कि नियमित, पर्याप्त, सुरक्षित एवं दीर्घकालिक जल सेवा सुनिश्चित करना है। इन जल सहिया दीदियों के माध्यम से मासिक जल शुल्क नियमित रूप से संग्रह किया जा रहा है।पानी के टैक्स से इकट्ठा हुए पैसे का इस्तेमाल प्लंबर और पंप ऑपरेटरों की मासिक सैलरी देने, मरम्मत करने और पीने के पानी की सप्लाई स्कीम के संचालन और रखरखाव के लिए किया जाता है।

==============

##teamprd

सरायकेला-खरसावां जिले के भाजपा कार्यकर्ताओं ने घेरा उपायुक्त कार्यालय, सौपा ज्ञापन

झारखंड भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सह राज्यसभा सांसद आदित्य साहू ने कहा कि जब तक झामुमो और कांग्रेस की सरकार छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस नहीं लेती है और परीक्षाओं में की गई धांधली की जांच सीबीआई से नहीं कराती है, तब तक भाजपा के कार्यकर्ता छात्रों के साथ किए गए अन्याय के विरोध में सड़कों पर उतर कर विरोध करते रहेंगे। वे सरायकेला- खरसावां जिला संगठन के द्वारा आयोजित जिला मुख्यालय के सामने प्रदर्शन कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए उक्त बातें कही।

श्री साहू ने कहा कि आज झारखंड भ्रष्टाचार के मामले में नित नए रिकॉर्ड कायम करती जा रही है। झारखंड सरकार के मुखिया के नेतृत्व और संरक्षण में झारखंड के बालू, कोयला, पत्थर, जमीन आदि को बेची जा रही है। झामुमो, कांग्रेस और राजद को पैसे की इतनी भूख है कि खनिज संपदाओं को बेचने के बाद अब वह झारखंड के नौनिहालों के सपने, रोजगार और भविष्य को बेचने में लगी हुई है। उन्होंने पूछा कि आखिर ये लोग उतने पैसे का करेंगे क्या?

श्री साहू ने कहा कि झामुमो के द्वारा कभी नारा दिया जाता था कि जल, जंगल, जमीन की रक्षा हमलोग करेंगे। लेकिन सत्ता में आते ही ये लोग जल, जंगल, जमीन का सौदा करने में व्यस्त हो गए। आज झामुमो ने राज्य की क्या हालात बना दी है, यह किसी से छुपी हुई नहीं है। राज्य में विकास के सारे काम ठप हैं, अस्पताल, सड़कें, स्कूल, सबकी हालात खराब है।

उन्होंने कहा कि राज्य की हेमंत सोरेन की सरकार ने झारखंड में एक से एक कारनामे को अंजाम दिया है। सरकार छात्रों के साथ अन्याय और उनके भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है।

उन्होंने कहा कि झारखंड सरकार ने कौड़ी के भाव झारखंड की नौकरी को बाहर के छात्रों के हाथों बेचने का काम की है। हद तो तब हो गयी जब यह पता चला कि जिन छात्रों को झारखंड की स्थानीय भाषा खोरठा की 'ख'और नागपुरी की 'न' की भी जानकारी नहीं है वैसे छात्रों का चयन इस भाषा के विषय के लिए हुआ है। लेकिन जिन छात्रों को इन भाषाओं की जानकारी है उनका चयन ही नहीं हुआ।

श्री साहू ने कहा कि सीजीएल की परीक्षा में बैठेने वाले चयनित छात्रों को देश के बाहर ले जाकर प्रश्न लीक कर के जवाब रटवाये गए, जो प्रश्न रटवाये गए थे उनमें से 150 में से 120 प्रश्न सेम आये थे।

श्री साहू ने कहा कि झारखंड के छात्रों के द्वारा अपने साथ किये गए अन्याय के खिलाफ संवैधानिक और शांतिपूर्ण तरीके से जब जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में अनशन कर रहे थे। उनको परेशान करने के उद्देश्य से रात में वहां की बिजली कटवा दी गयी, पानी बन्द करवा दिया गया, शौचालय बन्द करवा दी गयी। भारी बारिश में छात्र भीगते रहे लेकिन टेंट लगाने की अनुमति नहीं दी गयी। भाजपा के विरोध के बाद छात्र वहां टेंट लगा सके और 26 दिनों तक अनशन करते रहे।

श्री साहू ने कहा कि झारखंड के छात्र शांतिपूर्ण, संवैधानिक और मर्यादा में रह कर 26 दिनों तक अनशन किया। किसी पुलिस वाले के साथ दुर्व्यवहार नहीं किया। किसी को गाली नहीं दी। झामुमो के गुंडों के द्वारा अपना बैनर झंडा लेकर आंदोलनरत छात्रों को राज्य के कई जिलों में बुरी तरह से पीटा गया। सरकार ने निर्दोष 1000 छात्रों पर मुकदमे दर्ज करा दी। उनको डराने धमकाने हेतु उनके घरों एवं हॉस्टलों में रात के अंधेरे में पुलिस ने छापेमारी की, उनके साथ अमानवीय व्यवहार किया ताकि वे आंदोलन से हट जाएं।

श्री साहू ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि जबतक सरकार छात्रों और दर्ज झूठे मुकदमे वापस नहीं लेती है और परीक्षा में की गई धांधली की जांच सीबीआई से नहीं कराती है तब तक भाजपा सड़कों पर उतर कर सरकार की नीतियों का विरोध करती रहेगी।

श्री साहू ने झारखंड सरकार के द्वारा एमएमडीआर बिल का विरोध करने पर कहा कि यह बिल झारखंड के हित में है। झारखंड सरकार की कोयला और लौह अयस्क पर सेस लगाने की गलत नीति के कारण आज झारखंड के कोयले और लोहे की बिक्री कम हो गई हैं। इसके कारण राज्य सरकार को राजस्व की हानि हो रही है लेकिन इसकी चिंता राज्य सरकार को नहीं है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के संरक्षण में कोयले और लौहे की अवैध खनन हो रही है और सत्ताधारी दलों के नेताओं और बिचौलियों के तिजोरी भर रहे हैं।

झारखंड के कोयले और लोहे की चोरी और लीगल खनन से उत्पादित कोयले और लोहे की कीमत ज्यादा होने के कारण बीसीसीएल और सीसीएल के कोयले की मांग कम हो गयी है जिसके कारण बीसीसीएल और सीसीएल बन्दी के कगार पर पहुंच गई है।

उन्होने लोगों से झामुमो और कांग्रेस के एमएमडीआर बिल के विरोध में फैलाई गई दुष्प्रचार से सावधान रहने की बात कही। कहा कि अगर झारखंड में लीगल तरीके से खनिज पदार्थों का खनन होगा तो झारखंड के गांव, गरीब, मजदूर के घर पैसे आएंगे। यही बात झामुमो और कांग्रेस के नेताओं को पच नहीं रही है।

भाजपा एसआईआर में गड़बड़ी करते पकड़े जाने के बाद बौखलाहट में मनगढंत आरोप मढ़ रही : विनोद पांडेय

झारखंड मुक्ति मोर्चा के महासचिव विनोद कुमार पांडेय ने एसआईआर को लेकर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू के आरोपों पर पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि भाजपा को मतदाता सूची के पुनरीक्षण की प्रक्रिया पर सवाल उठाने का नैतिक अधिकार ही नहीं है।

उन्होंने कहा कि भाजपा के बीएलए टू और कई कार्यकर्ताओं को गोड्डा, गढ़वा सहित विभिन्न जिलों में एसआईआर प्रक्रिया में गड़बड़ी करते रंगे हाथ आम लोगों ने पकड़ा था, ऐसे भाजपाइयों पर एफआईआर भी दर्ज हुई है, अब भाजपा बौखलाहट में एसआईआर पर सवाल उठा कर एक विशेष समुदाय पर निशाना साध रही है। भाजपा को यह स्पष्ट करना चाहिए कि वह निर्वाचन आयोग की संवैधानिक प्रक्रिया पर सवाल उठा रही है या राजनीतिक लाभ के लिए भ्रम पैदा कर रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा के पास किसी प्रकार की गड़बड़ी की जानकारी है तो उससे संबंधित प्रमाण चुनाव आयोग और पदाधिकारियों को उपलब्ध कराए।

महासचिव पांडेय ने कहा कि मतदाता सूची का पुनरीक्षण निर्वाचन आयोग की देखरेख में होने वाली संवैधानिक प्रक्रिया है। इसमें किसी भी व्यक्ति का नाम जोड़ने या हटाने के लिए निर्धारित नियम और दस्तावेजी प्रक्रिया है। यदि कहीं कोई गड़बड़ी सामने आती है तो संबंधित अधिकारियों और निर्वाचन तंत्र के समक्ष शिकायत दर्ज कराने का प्रावधान है। भाजपा को किसी विशेष समुदाय को निशाना बनाने के बजाय ठोस प्रमाण निर्वाचन आयोग के समक्ष रखने चाहिए।

उन्होंने कहा कि संथाल परगना को लेकर भाजपा नेताओं की भाषा दुर्भाग्यपूर्ण है। मतदाता सूची में किसी नाम, उम्र या पते से जुड़ी त्रुटि को सीधे बांग्लादेशी घुसपैठ से जोड़ना उचित नहीं है। यदि किसी व्यक्ति ने फर्जी दस्तावेज के आधार पर मतदाता सूची में नाम जुड़वाने का प्रयास किया है तो उसके खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई होनी चाहिए। लेकिन कुछ मामलों के आधार पर पूरे समुदाय विशेष को संदेह के घेरे में खड़ा करना गलत है।

महासचिव पांडेय ने कहा कि भाजपा को यह बताना चाहिए कि जिन मामलों का वह उल्लेख कर रही है, उनमें निर्वाचन आयोग अथवा सक्षम प्रशासन ने क्या निष्कर्ष दिया है। केवल आरोप लगा देने से कोई व्यक्ति अपात्र या कोई मतदाता सूची गलत साबित नहीं हो जाती।

उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा एसआईआर जैसे संवेदनशील विषय को राजनीतिक रंग देकर समाज में भ्रम और अविश्वास पैदा करना चाहती है। उन्होंने कहा कि झामुमो लोकतांत्रिक प्रक्रिया की पारदर्शिता और मतदाताओं के अधिकारों के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है। किसी भी वास्तविक गड़बड़ी की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए, लेकिन राजनीतिक आरोपों के आधार पर लाखों मतदाताओं की निष्ठा पर सवाल नहीं उठाया जा सकता।

धन्यवाद

SIR के मुद्दे पर भाजपा का झारखंड सरकार पर बड़ा हमला, लगाया तुष्टिकरण का आरोप

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने एसआईआर की प्रक्रिया को लेकर झारखंड सरकार पर बड़ा हमला बोला है। उन्होंने पार्टी के प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता को संबोधित करते हुए राज्य सरकार पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं।

श्री साहू ने कहा कि SIR प्रक्रिया को प्रभावित करने के लिए राज्य सरकार हर प्रकार के हथकंडे अपना रही है। राज्य की झामुमो-कांग्रेस गठबंधन सरकार SIR को लेकर तुष्टिकरण की राजनीति कर रही है। कहा कि झारखंड में SIR शुरू होने से पहले ही JMM और कांग्रेस ने इसके बहिष्कार और विरोध की बात कही थी। और जब प्रक्रिया प्रारंभ हुई तो इसे प्रभावित करने और एक समाज विशेष को खुश करने के लिए उनके नामों को अवैध रूप से जोड़ने के लिए हर प्रकार के हथकंडे यह सरकार अपना रही है।

उन्होंने कहा कि संथाल परगना में आ रही विसंगतियां का मामला केवल मतदाता सूची का नहीं बल्कि लोकतंत्र की पारदर्शिता का मामला है। साहिबगंज, राजमहल और पाकुड़ क्षेत्र में मतदाता सूची को लेकर उम्र संबंधी गंभीर गड़बड़ियां सामने आ रही है। जो प्रशासन की कार्यप्रणाली पर बड़ा सवाल है। पाकुड़ और साहिबगंज सहित संथाल परगना के पूरे संवेदनशील इलाकों में मतदाता सूची का शत-प्रतिशत सत्यापन जरूरी है।

श्री साहू ने कहा कि हेमंत सरकार ने प्रशासनिक पदों पर बैठे अधिकारियों को अब सरकारी सेवक नहीं, बल्कि झामुमो-कांग्रेस के पोलिंग एजेंट बनाकर रख दिया है। प्रशासन की मिलीभगत से यह सरकार एक खास वर्ग के अधिक से अधिक लोगों के नाम मतदाता सूची में जोड़ने के प्रयास में लगी है।

श्री साहू ने कहा कि चुनावी प्रक्रिया में राजनीतिक दखल क्यों? झामुमो-कांग्रेस अपनी बैठक में प्रशासनिक अधिकारियों, BDO और CDPO को नेताओं के साथ मिलाकर यह योजना बना रहे हैं कि कैसे अपने वोट बैंक बांग्लादेशी घुसपैठियों का नाम वोटर लिस्ट से न कटे।

खुल्लम-खुल्ला निर्देश दिया जा रहा है, क्योंकि झामुमो-कांग्रेस गठबंधन अब यह मान चुका है कि उनकी जीत बांग्लादेशी घुसपैठियों के वोट बैंक के भरोसे टिकी हुई है।

श्री साहू ने कहा कि बांग्लादेशी घुसपैठ से जुड़े मामलों में हेमंत सरकार का रवैया पहले से सवालों के घेरे में रहा है, अब एसआईआर में सामने आ रही विसंगतियां उन सवालों को और गंभीर बनाती हैं। पदाधिकारियों द्वारा jmm कांग्रेस के लोगों को कैसे लाभ दिया जा रहा है, बांग्लादेशी घुसपैठियों को कैसे मदद की जा रही है, इसके कई उदाहरण सामने आए हैं। झारखंड में कई अधिकारी व कर्मचारी इसमें नियम के विरुद्ध कार्य कर रहे हैं। विशेष कर संथाल परगना प्रमंडल में जो विसंगतियां आ रही है, राज्य के लिए चिंताजनक है।

श्री साहू ने कहा कि पाकुड़ के बरहरवा क्षेत्र में कथित फर्जी आवासीय प्रमाण पत्र के आधार पर मतदाता सूची में नाम जोड़ने के प्रयास के मामले में प्राथमिकी दर्ज हुई है। यह तो एक जगह का मामला है, ऐसे कितने मामले अभी पकड़ से दूर हैं। पाकुड़ विधानसभा क्षेत्र के बरहरवा प्रखंड के आहुत ग्राम में फर्जी दस्तावेज (Fake Document) जमा कर अवैध रूप से मतदाता सूची में जुड़ने का प्रयास कर रहे 4 अपात्र व्यक्तियों एवं एक कॉमन सर्विस सेंटर संचालक पर फर्जी दस्तावेज तैयार करने हेतु प्राथमिकी दर्ज किया गया है। बरहरवा प्रखंड में संदिग्ध दस्तावेजों के संबंध में कुल 4 व्यक्तियों को चिह्नित किया गया है। इनमें रूबेदा बेवा, रबी शेख, पिंटू शेख, सेन्टु शेख द्वारा फर्जी आवासीय प्रमाण पत्र प्रस्तुत की गई हैं। इन अपात्र व्यक्तियों को कॉमन सर्विस सेंटर के संचालक मोहम्मद सलीम द्वारा फर्जी दस्तावेज तैयार कर उपलब्ध कराए गए थे।

वहीं उन्होंने कहा कि साहेबगंज जिला के राजमहल विधानसभा में बूथ संख्या-343, गृह संख्या-01 में वर्ष 2019 की मतदाता सूची में 4 मतदाताओं का नाम था, जबकि 25 जुलाई, 2024 को प्रकाशित मतदाता सूची में 39 मतदाताओं का नाम है। वर्तमान सूची में सैयद अली का आयु 69 वर्ष है, जबकि उसके पुत्र गफूर शेख की आयु 67 वर्ष है। इसी बूथ पर वर्ष 2019 में आजाद अली की आयु 34 वर्ष है, वहीं 2024 की सूची में आजाद अली का नाम नहीं है, परंतु उनकी पत्नी आयसा का नाम है, जिसकी आयु 64 वर्ष है। राजमहल विधानसभा में बूथ संख्या-187, गृह संख्या-137 में वर्ष 2019 की मतदाता सूची में मात्र 12 मतदाता थे, जबकि वर्तमान मतदाता सूची में बढ़कर 26 हो गये हैं। वहीं साहेबगंज जिले के बोरियो विधानसभा में मंडरो प्रखंड के लालमाटी गांव में एक भी मुस्लिम का घर नहीं है, परंतु वहां के मतदाता सूची में दर्जनों मुस्लिम मतदाता शामिल है और तेलियागढ़ी बूथ पर उनके मतदान करने की बात कही गई है। साहेबगंज जिला में ऐसा भी मामला सामने आया है कि 15 वर्ष के मतदाता को पिता बताया जा रहा है और उसी मतदाता को 30 वर्ष की आयु में दादा बताया जा रहा है। इसके अतिरिक्त कुछ ऐसे भी मामला सामने आया है कि पिता और पुत्र की आयु में मात्र 2-3 वर्ष का अंतर है।

श्री साहू ने कहा कि अपात्र मतदाताओं का मतदाता सूची में नाम दर्ज करने के लिए झामुमो-कांग्रेस एसआईआर मामले में फर्जीवाड़ा और घोटाला कर रही है। विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर हेमंत सरकार की नीयत पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। अगर सरकार की नीयत साफ है, तो मतदाता सूची की हर शिकायत की जांच कराने में उसे कोई आपत्ति नहीं होनी चाहिए। सरकार को स्पष्ट करना चाहिए कि वह मतदाता सूची को शुद्ध करने के पक्ष में है या संदिग्ध नामों को संरक्षण देने के पक्ष में?

श्री साहू ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी इस गड़बड़ी को बर्दाश्त नहीं करेगी और उसका पर्दाफाश करने का काम करेगी। जरूरत पड़ेगी तो पार्टी न्यायालय का दरवाजा भी खटखटाएगी।

उन्होंने सरकारी पदाधिकारियों को सरकार के टूलकिट की बजाय निष्पक्ष तरीके से काम करने की नसीहत देते हुए कहा कि अधिकारियों को अपनी आदतों से बाज आनी चाहिए अन्यथा उन्हें जेल की हवा खाने से कोई नहीं रोक सकता हवहीं भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष राकेश प्रसाद ने मौके पर कहा कि राज्य के पदाधिकारी स्वच्छ और त्रुटि रहित मतदाता सूची बनाने की दिशा में काम करें। उन्होंने ऑनलाइन की बजाय ऑफलाइन प्रमाण पत्र बनाने की छूट देने के फैसले को भी अनुचित बताते हुए कहा कि यह सब अवैध मतदाताओं का नाम मतदाता सूची में बनाए रखने की कवायद है। उन्होंने भी बांग्लादेशी घुसपैठियों पर राज्य सरकार द्वारा की जा रही मेहरबानी को लेकर कई उदाहरण गिनाए। उन्होंने कहा कि बांग्लादेशी घुसपैठियों का वोटर आईडी कार्ड , आधार कार्ड और पैन कार्ड आसानी से इन इलाकों में आखिर कैसे बन जा रहा है, यह जांच का विषय है। पदाधिकारियों के संरक्षण के बिना यह सब संभव ही नहीं है। उन्होंने प्रज्ञा केंद्र संचालकों की मदद से फर्जी दस्तावेज बनाए जाने का आरोप लगाते हुए मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।

इस दौरान प्रेस वार्ता में प्रदेश मीडिया प्रभारी योगेन्द्र प्रताप सिंह और प्रदेश प्रवक्ता प्रकाश सिंह भी उपस्थित रहे।

ै।

हेमंत सरकार युवाओं का भविष्य बेच रही, बिना CBI जांच छात्रों को न्याय नहीं : आदित्य साहू

JPSC, JSSC एवं CGL परीक्षाओं में हुई कथित व्यापक धांधली, परीक्षा में गड़बड़ी करने वाले दोषियों की गिरफ्तारी, पूरे मामले की CBI जांच तथा शांतिपूर्ण आंदोलन कर रहे छात्रों पर दर्ज मुकदमों को वापस लेने की मांग को लेकर प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू के नेतृत्व में भाजपा रांची महानगर, रांची पूर्वी एवं रांची पश्चिमी जिला के संयुक्त तत्वावधान में रांची उपायुक्त कार्यालय का घेराव किया गया। जिला स्कूल मैदान से निकले इस घेराव कार्यक्रम में हजारों की संख्या में भाजपा कार्यकर्ता, छात्र–युवा एवं समर्थक शामिल हुए। कार्यकर्ताओं ने छात्रों के समर्थन में जोरदार आवाज बुलंद करते हुए सरकार से परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, जवाबदेही और युवाओं के भविष्य के साथ न्याय सुनिश्चित करने की मांग की।

घेराव कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने कहा कि हेमंत सरकार छात्रों के साथ अन्याय और उनके भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है। झारखंड के छात्रों का आंदोलन अब केवल झारखंड तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह देश का आंदोलन बन गया है। सरकार आंदोलन को दबाने के लिए भोले-भाले छात्रों पर फर्जी FIR दर्ज कर उनकी आवाज कुचलने का प्रयास कर रही है।

उन्होंने कहा कि आंदोलनरत छात्रों पर सत्तारूढ़ दल के कार्यकर्ताओं द्वारा हमले किए जा रहे हैं और सरकार ने लोकतांत्रिक आंदोलन पर पाबंदी लगाने का प्रयास किया है। नौकरी के सौदागर खुले घूम रहे हैं, जबकि सरकार छोटी मछलियों को CID के माध्यम से पकड़वाकर महज दिखावा कर रही है।

श्री साहू ने कहा कि बिना CBI जांच के छात्रों को न्याय नहीं मिल सकता। हेमंत सरकार ने भर्ती संस्थानों को कमाई का साधन बना दिया है। उन्होंने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि अविलंब पूरे मामले की CBI जांच कराई जाए, छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस लिए जाएं तथा JPSC, JSSC और CGL की धांधली में शामिल बड़ी मछलियों को गिरफ्तार किया जाए, अन्यथा भाजपा चरणबद्ध एवं व्यापक आंदोलन करेगी।

कार्यक्रम को पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दीपक प्रकाश, रांची विधायक सीपी सिंह, हटिया विधायक नवीन जायसवाल, रांची की महापौर रोशनी खलखो ने भी संबोधित करते हुए राज्य की सरकार पर हमला बोला। वक्ताओं ने कहा कि राज्य सरकार सीआईडी जांच के नाम पर केवल आईवॉश कर रही है। इस सरकार को हर हाल में सीबीआई जांच करानी ही होगी।

वहीं इस कार्यक्रम में रांची उप महापौर नीरज कुमार, प्रदेश मंत्री अमित कुमार, रांची महानगर अध्यक्ष वरुण साहू, रांची पूर्वी जिला अध्यक्ष विनय महतो ‘धीरज’, रांची पश्चिमी जिला अध्यक्ष नरेंद्र सिंह, भारत यादव, सीमा सिंह, मनोज महतो बाजपेयी, सन्नी टोप्पो, पूर्व विधायक राम कुमार पाहन, समरी लाल, गंगोत्री कुजूर, हेमंत दास, सूरज चौरसिया, सत्यनारायण सिंह, केके गुप्ता, सुबोध सिंह गुड्डू, संदीप वर्मा, बलराम सिंह, जितेंद्र वर्मा, मनोज चौधरी, सुधाकर चौबे, रमेश सिंह, ललित ओझा, कमलेश राम, राजू सिंह, बीणा मिश्रा, नीरज चौधरी, संकेत तिवारी, शत्रुधन साहू सहित बड़ी संख्या में पार्टी के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।