एसबीसीयू के चतुर्थ दीक्षांत समारोह में मे शामिल हुए राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खां, कहा-डिग्रियां हासिल करने के पश्चात मानवता की करें सेवा
Gaya : आपका दायित्व विश्वविद्यालय से शिक्षा हासिल कर डिग्रियां प्राप्त कर अच्छे पदों पर नौकरियां हासिल करने तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि आपको समाज के उन वर्ग के लोगों का भी ध्यान रखना चाहिए जिन्होंने कभी स्कूल, कॉलेज या यूनिवर्सिटी का मुंह नहीं देखा | मेरा विश्वास है कि एक शिक्षित युवा के रूप में आप इस विश्वविद्यालय से डिग्रियां हासिल करने के बाद लोक कल्याण एवं जगत कल्याण के साथ मानवता की सेवा मे अपनी भूमिका निभाएंगे | उक्त वक्तव्य बिहार के महामहिम राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खां ने मुख्य अतिथि के रूप दक्षिण बिहार केन्द्रीय विश्वविद्यालय (सीयूएसबी) में 20 मार्च, 2025 (वृहस्पतिवार) को आयोजित चतुर्थ दीक्षांत समारोह के दौरान दिया |
अपने दीक्षांत संबोधन में गोल्ड मेडल और डिग्री हासिल करने वाले छात्रों को बधाई देते राज्यपाल ने कहा कि आज आप सबके जीवन का एक महत्वपूर्ण दिन है आप अपनी उपलब्धियों की प्रकाष्ठा नहीं बल्कि पहली उपलब्धि गिनेंगे जो आपको प्रेरणा देगी कि आगे का जीवन और भी संघर्षों से भरा हुआ है | जिस तपस्या और अनुशासन का परिचय अपने यहाँ दिया है जिसके फलस्वरूप आपको यह डिग्रियां और सम्मान मिले हैं वो आपके जीवन का हिस्सा बन जाएगा | आने वाले दिनों में आप उससे भी अधिक तप, उससे भी अधिक परिश्रम एवं अनुशासन के साथ योग्यता एवं कुशलता प्राप्त करेंगे जो आपके लिए भी और आपके परिवार, समाज और देश के लिए गौरव और उपलब्धि का विषय होगा |
गोल्ड मेडल और डिग्री हासिल करने वाले छात्रों को बधाई देते महामहिम राज्यपाल ने कहा कि मैं आपके अभिभावकों और गुरुओं को भी बधाई देना चाहता हूँ | दुनिया में दो ही लोग हैं एक हमारे माता - पिता दूसरे हमारे गुरु जो चाहते हैं कि उनका बच्चा और छात्र उनसे आगे निकल कर सफलता की ऊंचाइयों को छुए इसलिए उनके लिए आदर और श्रद्धा का भाव ही पैदा हो सकता है |
आगे उन्होंने कहा कि एक सफल जीवन की परिकल्पना के लिए श्रद्धा बहुत ज़रूरी है इसलिए आपकी बात में आपके क्रम दृढ़ विश्वास होना चाहिए और अपने संस्कृति की संरक्षण की कोशिश करनी चाहिए तभी आप सफलता की सीढ़ी चढ़ सकते हैं | उन्होंने विद्यार्थियों को उपनिषद सूत्र "सत्यं वद । धर्मं चर" का हवाला देते हुए कहा कि इसका अर्थ है सत्य बोलो, धर्म का पालन करो, और स्वाध्याय में आलस्य मत करो। एक दीक्षांत समारोह में विद्यार्थियों के लिए इससे अच्छा संदेश नहीं हो सकता और इसे जीवन में अपनाने की कोशिश करनी चाहिए तभी आप समाज और राष्ट्र निर्माण में अपना योगदान दे सकते हैं |
अपने उद्बोधन के दौरान राज्यपाल ने भगवद गीता, वेदों एवं अन्य प्राचीन ग्रंथो के श्लोकों के माध्यम से छात्रों को प्रेरित किया |
विशिष्ट अतिथि के रूप में डॉ. प्रेम कुमार, मंत्री, सहकारिता विभाग, बिहार सरकार ने 'एक भारत श्रेष्ठ भारत' की परिकल्पना को साकार करने में युवाओं खासकर विद्यार्थियों को भूमिका पर प्रकाश डाला |
उन्होंने कहा कि सीयूएसबी इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका अदा कर रहा है जहां देश के कोने - कोने से विभिन्न समुदाय और संस्कृति से आये हुए छात्र शिक्षा प्राप्त करते हैं।
सीयूएसबी के कुलपति प्रो. कामेश्वर नाथ सिंह ने महामहिम राज्यपाल, विशिष्ट अतिथि, सीयूएसबी के संस्थापक कुलपति प्रोफेसर जनक पांडेय, भूतपूर्व कुलसचिव कर्नल राजीव कुमार सिंह, कार्यकारणी समिति, अकादमिक समिति एवं अन्य गणमान्यों के कार्यक्रम में उपस्थित होने के लिए आभार प्रकट किया | कुलपति महोदय ने विश्वविद्यालय की रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए गत वर्ष की उपलब्धियों एवं भविष्य की योजनाओं को साझा किया |
कुलपति ने बताया कि विश्वविद्यालय के गत वर्ष कई उपलब्धियां रही हैं वर्ष 2023 में विश्वविद्यालय को 3.58 स्कोर के साथ नैक से 'ए' प्लस प्लस ग्रेड प्राप्त हुआ और वर्ष 2024 में सीयूएसबी को विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने कैटेगरी - वन (1) यूनिवर्सिटी का दर्जा दिया है और विश्वविद्यालय को कई तरह के स्वायत्तता मिली हैं |
दीक्षांत समारोह में राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खां ने स्टेज पर टॉपर्स को डिग्री के साथ चांसलर गोल्ड मेडल, स्कूल गोल्ड मेडल, डिपार्टमेंट गोल्ड मेडल प्रदान किया।
चतुर्थ दीक्षांत समारोह के दौरान अंडरग्रेजुएट (यूजी) एवं पोस्टग्रेजुएट पाठ्यक्रमों में टॉप करने वाले कुल 80 विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक प्रदान किया गया। वर्ष 2021 के लिए दो छात्रों को चांसलर गोल्ड मेडल, 10 (दस) छात्रों को स्कूल गोल्ड मेडल जबकि 26 छात्रों को डिपार्टमेंट गोल्ड मेडल दिया गया | वर्ष 2022 के लिए दो (02) छात्रों को चांसलर गोल्ड मेडल, 11 छात्रों को स्कूल गोल्ड मेडल और 29 छात्रों को डिपार्टमेंट गोल्ड मेडल दिया गया।
गौरतलब है कुल 80 छात्रों को गोल्ड मेडल दिया गया जिसमें से 59 गोल्ड मेडल पर छात्राओं को दिए गए जबकि छात्रों को 21 गोल्ड मेडल मिले | इसके साथ-साथ वर्ष विश्वविद्यालय द्वारा 2021 और 2022 में अंडरग्रेजुएट (यूजी) एवं पोस्ट ग्रेजुएट (पीजी) और पीएचडी में उत्तीर्ण कुल 1346 विद्यार्थियों को डिग्री प्रमाणपत्र प्रदान किया गया | मेडल वितरण समारोह में परीक्षा नियंत्रक डॉ. शांतिगोपाल पाइन ने औपचारिक उद्घोषणाएं की तथा धन्यवाद ज्ञापन कुलसचिव प्रो. नरेंद्र कुमार राणा ने दिया |
दीक्षांत समारोह के पश्चात महामहिम राज्यपाल ने सीयूएसबी परिसर में जीवक स्वास्थ्य केंद्र का भी उद्घाटन किया |
गया से मनीष कुमार
Mar 20 2025, 18:40