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मऊ: अधिवक्ता अफजल अली हत्याकांड में दो को उम्रकैद, 10 आरोपी बरी
मऊ। वर्ष 2012 के चर्चित अधिवक्ता अफजल अली हत्याकांड में शुक्रवार को अदालत ने फैसला सुनाया। एडीजे दीपनारायण तिवारी की अदालत ने धर्मेंद्र और अजित को हत्या का दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। दोनों दोषियों पर कुल 21 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।

अदालत के आदेश के मुताबिक जुर्माना जमा नहीं करने पर दोनों को दो-दो वर्ष का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। इसके साथ ही मृतक अधिवक्ता की पत्नी जहांआरा को 20 हजार रुपये मुआवजा देने का भी आदेश दिया गया है।

संपत्ति विवाद में हुई थी हत्या का आरोप
मामला शहर कोतवाली क्षेत्र का है। 9 अक्टूबर 2012 को हट्ठी मदारी निवासी शौकत अली की तहरीर पर अधिवक्ता अफजल अली की हत्या की FIR दर्ज हुई थी। अभियोजन के अनुसार हत्या के पीछे संपत्ति विवाद की बात सामने आई थी। मामले में कुल 13 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था।

8 गवाहों की हुई गवाही
मुकदमे की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता अनिल कुमार पाण्डेय ने 8 गवाह पेश किए। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने और साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने धर्मेंद्र और अजित को दोषी माना।

10 आरोपी साक्ष्यों के अभाव में बरी
अदालत ने नन्हे उर्फ असलम, अमीर हमजा, नसीम, समसुद्दीन, मोबिन, अशफाक अहमद, अफजल अलंकार, संजय यादव, प्रमोद गोंड़ और पंकज यादव को साक्ष्यों के आधार पर बरी कर दिया। मामले के एक अन्य आरोपी पंकज यादव की मृत्यु हो चुकी है, जिसके चलते उसके खिलाफ कार्रवाई समाप्त कर दी गई।
मऊ -: ट्रेन हादसे में दोनों हाथ गंवाए, अब पैरों और नाक से मोबाइल चलाकर चला रहे इलेक्ट्रॉनिक दुकान

यदि हौसला बुलंद हो तो कोई भी कार्य मुमकिन नहीं—अजय चौहान

मुहम्मदाबाद गोहना (मऊ)। जिंदगी में आई बड़ी से बड़ी मुश्किल के सामने हिम्मत न हारने वाले चलीसवां गांव निवासी अजय चौहान आज क्षेत्र के लोगों के लिए मिसाल बने हुए हैं। वर्ष 2007 में मुंबई में हुए एक ट्रेन हादसे में अजय ने अपने दोनों हाथ गंवा दिए थे।

हादसे के बाद उनके सामने जीवनयापन की बड़ी चुनौती खड़ी हो गई, लेकिन उन्होंने किसी के सामने हाथ फैलाने के बजाय अपने दम पर रोजगार करने का फैसला किया।
रेलवे विभाग से मिले मुआवजे की राशि से वर्ष 2019 में उन्होंने

आजमगढ़-मुहम्मदाबाद गोहना मुख्य मार्ग पर केरमा मोड़ के पास करकट में इलेक्ट्रॉनिक की दुकान शुरू की। मेहनत और आत्मविश्वास के बल पर आज वह केरमा चट्टी पर अपनी दुकान चला रहे हैं।

वर्ष 2021 में अजय की शादी हुई। अब वह अपनी पत्नी और बच्चों के साथ-साथ माता-पिता की जिम्मेदारी भी बखूबी निभा रहे हैं। उनकी जिंदगी का सबसे प्रेरणादायक पहलू यह है कि दोनों हाथ नहीं होने के बावजूद वह दुकान का हिसाब-किताब खुद करते हैं। वह अपने पैरों से मोबाइल और कैलकुलेटर चलाते हैं।
सुहेलदेव पार्टी के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री रामकृष्ण भारद्वाज का बड़ा बयान
मऊ। जनपद में सुहेलदेव पार्टी के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री रामकृष्ण भारद्वाज से राहुल कुमार राय ने विशेष बातचीत की। इस दौरान उन्होंने पार्टी की विचारधारा, संगठन और आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर विस्तार से अपनी बात रखी।

बातचीत के दौरान रामकृष्ण भारद्वाज ने पार्टी के रुख, विधानसभा चुनाव की तैयारियों तथा कैबिनेट मंत्री ओमप्रकाश राजभर से जुड़े राजनीतिक मुद्दों पर भी खुलकर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि पार्टी संगठन को मजबूत करने और कार्यकर्ताओं को जोड़ने की दिशा में लगातार काम कर रही है।

आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर उन्होंने पार्टी की रणनीति और संभावित राजनीतिक समीकरणों पर भी अपनी बात रखी।

उन्होंने कैबिनेट मंत्री ओमप्रकाश राजभर एवं यूजीसी और आरक्षण  को लेकर दिए गए उनके बयान ने स्थानीय सियासी चर्चाओं को और तेज कर दिया है।

राहुल कुमार राय के साथ हुई इस विशेष बातचीत में रामकृष्ण भारद्वाज ने अपने राजनीतिक सफर और संगठन में निभाई जा रही जिम्मेदारियों के बारे में भी जानकारी साझा की।

देखिए पूरी बातचीत—क्या कहा सुहेलदेव पार्टी के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री रामकृष्ण भारद्वाज ने विधानसभा चुनाव और ओमप्रकाश सिंह के मुद्दे पर?
अतिक्रमण के खिलाफ काउंसिल ऑफ उद्योग व्यापार मंच ने कसी कमर

*नगर भ्रमण कर व्यापारियों की सुनी समस्याएं*
सुल्तानपुर:-नगर के प्रमुख बाजारों में बढ़ते अतिक्रमण से परेशान स्थायी व्यापारियों की समस्याओं को लेकर काउंसिल ऑफ उद्योग व्यापार मंच ने पहल तेज कर दी है। नगर अध्यक्ष रवि सोनी के नेतृत्व में पदाधिकारियों ने नगर भ्रमण कर व्यापारियों से मुलाकात की और अतिक्रमण के कारण हो रही समस्याओं को जाना ।
चौक क्षेत्र के व्यापारियों ने दुकानों के सामने फुटपाथ व सड़क पर लगने वाले ठेले और अस्थाई दुकानों से व्यापार प्रभावित होने की बात कही। नगर अध्यक्ष रवि सोनी ने बताया कि समस्या को लेकर नगर पालिका एवं प्रशासनिक अधिकारियों से वार्ता हो चुकी है। जल्द ही कार्रवाई का आश्वासन मिला है।
शुक्रवार देर शाम मंच के पदाधिकारियों व व्यापारियों के साथ उपस्थित वरिष्ठ भाजपा नेता व सभासद दिनेश चौरसिया ने समस्या को गंभीर बताते हुये कहा की फुटपाथ व्यापारियों को व्यवस्थित रूप से वेंडिंग जोन में पुनर्स्थापित किए जाने का प्रयास किया जा रहा है।
प्रदेश प्रवक्ता रमेश माहेश्वरी, मण्डल अध्यक्ष अशोक कसौधन,जिलाध्यक्ष कुलदीप गुप्ता,जिला महामंत्री राजेश महेश्वरी,सुरेश सोनी,रवि सोनी,अरविन्द द्विवेदी, हरीशंकर,मानिक लाल,विजय टंडन आदि मौजूद रहे।
मऊ में एसपी की जनसुनवाई, फरियादियों की समस्याएं सुन कमलेश बहादुर ने दिए त्वरित निस्तारण के निर्देश
मऊ। पुलिस अधीक्षक मऊ कमलेश बहादुर ने पुलिस कार्यालय में जनसुनवाई कर फरियादियों की समस्याएं सुनीं। इस दौरान विभिन्न मामलों को लेकर पहुंचे लोगों ने अपनी शिकायतें एसपी के समक्ष रखीं।

एसपी ने संबंधित अधिकारियों को शिकायतों का प्राथमिकता और समयबद्ध तरीके से प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

उन्होंने स्पष्ट किया कि जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान और पीड़ितों को न्याय दिलाना पुलिस प्रशासन की प्राथमिकता है।
मऊ -: पुलिस अधीक्षक मऊ द्वारा परेड में प्रतिभाग कर दिये गए आवश्यक दिशा-निर्देश


पुलिस अधीक्षक मऊ  कमलेश बहादुर द्वारा पुलिस लाइन मऊ में साप्ताहिक परेड के अवसर पर परेड की सलामी लेकर परेड का निरीक्षण किया गया तथा सम्बन्धित को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए ।

इस दौरान महोदय द्वारा उच्च कोटि का अनुशासन, वर्दी का टर्नआउट, शांति/सुरक्षा व्यवस्था सुदृढ बनाए रखने के दृष्टिगत फोर्स को ब्रीफ करते हुए बताया कि सदैव मानसिक एवं शारीरिक रूप से तत्पर रहें। दंगा निंयत्रण के समस्त उपकरण सक्रिय दशा में सदैव अपने साथ रखे। जिससे किसी भी आकस्मिक परिस्थिति से निपटा जा सके

इस दौरान ड्रोन कैमरा, फॉरेन्सिक वैन, चारपहिया/दोपहिया पीआरवी वाहनों के साफ-सफाई, हूटर, लाइट, एमडीटी, मेडिकल किट, फायर एक्सटिंग्विशर, एंटी राइट इक्विपमेंट आदि को चेक किया गया तथा पीआरवी कर्मियों को गंभीर व महिला संबंधित घटनाओं की सूचना पर मौके पर तत्काल पहुंचकर की जाने वाली प्राथमिक कार्यवाही, घटनास्थल को सुरक्षित करने हेतु क्राइम सीन किट का सही तरीके से प्रयोग करने व रिस्पॉन्स टाइम, जीपीएस परसेंटेज आदि में सुधार हेतु आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए।

तत्पश्चात महोदय द्वारा पुलिस लाइन का भ्रमण कर विभिन्न शाखाओं एवं परिसर की साफ सफाई इत्यादि का गहन निरीक्षण किया गया । महोदय ने परिसर की समग्र व्यवस्था, बैरक और मेस में भोजन व अन्य सुविधाओं का निरीक्षण का जायजा लिया । 

साथ ही कर्तव्यनिष्ठा, ईमानदारी और उत्कृष्टता के साथ पुलिस सेवा में योगदान देने के लिए प्रेरित किया। इस दौरान क्षेत्राधिकारी लाइन श्री सोम प्रकाश बर्मा, प्रतिसार निरीक्षक अरूण कुमार सिंह व भारी संख्या में पुलिस अधि0/कर्मचारीगण उपस्थित रहें ।
मऊ में गैंगस्टर पर बड़ी कार्रवाई! 53.89 लाख का मकान कुर्क, पुलिस ने चलाया ‘अपराध से अर्जित संपत्ति पर प्रहार’ अभियान
मऊ से बड़ी खबर सामने आई है। गैंगस्टर एक्ट के आरोपी मो. खालिद अंसार के खिलाफ मऊ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 53 लाख 89 हजार 372 रुपये कीमत का एक मंजिला मकान कुर्क कर लिया।

पुलिस के मुताबिक यह संपत्ति अपराध से अर्जित अवैध धन से बनाई गई थी। गैंगस्टर एक्ट की धारा 14(1) के तहत की गई इस कार्रवाई में तहसील प्रशासन के अधिकारी और पुलिस टीम मौजूद रही।

मऊ पुलिस ने साफ किया है कि अपराध से अर्जित संपत्तियों पर कार्रवाई का अभियान आगे भी जारी रहेगा।
जनपद मऊ पुलिस द्वारा अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही
पुलिस अधीक्षक मऊ  कमलेश बहादुर के निर्देशन पर जनपद के समस्त थाना क्षेत्रों में अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के क्रम में विभिन्न थानो द्वारा प्रभावी कार्यवाही करते हुए अलग- अलग स्थानों से अभियुक्तों की गिरफ्तारी /बरामदगी व विभिन्न मामलों में वारंटी अभियुक्त को भी गिरफ्तार कर आवश्यक विधिक कार्यवाही की गई ।

थानावार कार्यवाही का विवरण

1.थाना दोहरीघाट पुलिस द्वारा वारंटी अभियुक्त गजानन्द पंडित पुत्र सुभाष निवासी ग्राम उसरी खुर्द थाना दोहरीघाट जनपद मऊ । अभियुक्तगण उपरोक्त को गिरफ्तार कर चालान माननीय न्यायालय किया गया ।
मऊ -: धूस गांव में बाढ़ पीड़ितों की बदहाली, आप ने सरकार को घेरा
सर्वेश मिश्रा ने बाढ़ पीड़ितों से की मुलाकात, बोले- राशन, दवा और इलाज के बिना कैसे कट रही जिंदगी?

मऊ। जिले में बाढ़ का प्रकोप लगातार गंभीर होता जा रहा है। मधुबन विधानसभा क्षेत्र के दुबारी ग्राम पंचायत अंतर्गत धूस गांव में बाढ़ पीड़ितों की स्थिति बेहद दयनीय बताई जा रही है। आम आदमी पार्टी ने आरोप लगाया है कि बाढ़ प्रभावित परिवार राशन, पशुओं के चारे, दवा और समुचित इलाज जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए जूझ रहे हैं, जबकि प्रशासनिक स्तर पर पर्याप्त व्यवस्था नहीं की गई है।

शुक्रवार को बाढ़ पीड़ितों का हाल जानने आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं सांसद संजय सिंह के प्रतिनिधि सर्वेश मिश्रा पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ धूस गांव पहुंचे। उन्होंने प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं और मौके की स्थिति का जायजा लिया।

सर्वेश मिश्रा ने आरोप लगाया कि कई लोगों के घर बाढ़ की चपेट में आ चुके हैं और प्रभावित परिवार बदहाली में जीवन गुजारने को मजबूर हैं। उन्होंने कहा कि लोगों के सामने भोजन, पशुओं के चारे और इलाज का संकट खड़ा है। पार्टी का यह भी आरोप है कि जहरीले जीव-जंतुओं के काटने का खतरा बना हुआ है और पर्याप्त चिकित्सा व्यवस्था नहीं होने से ग्रामीणों में दहशत है।

आम आदमी पार्टी ने सरकार और प्रशासन पर बाढ़ पीड़ितों की अनदेखी का आरोप लगाते हुए कहा कि केवल बाढ़ चौकी स्थापित कर देने से राहत व्यवस्था पूरी नहीं हो जाती। पार्टी ने मांग की कि बाढ़ चौकियों पर तत्काल पर्याप्त मात्रा में राशन, दवाएं, एंबुलेंस और प्रभावित परिवारों के रहने की सुरक्षित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।

पार्टी नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि बाढ़ पीड़ितों की समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं किया गया और आवश्यक राहत सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई गईं तो आम आदमी पार्टी जनता के अधिकारों के लिए सड़क पर उतरकर आंदोलन करने को बाध्य होगी।

इस दौरान आप नेता विजय, जयराम यादव, मनोज कुमार, अविनाश, राजकुमार जायसवाल, अनिल प्रजापति सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
सरकारें ही जर्जर थीं तो सिस्टम भी जर्जर हो गया था: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
- यूपी पर लगा था बीमारू का ठप्पा, नौजवान के सामने था पहचान का संकट
- युवा पुस्तक नहीं पढ़ना चाहता, यह धारणा उसके साथ अन्याय : मुख्यमंत्री
- मुख्यमंत्री योगी ने गोमती पुस्तक महोत्सव का पांचवां संस्करण का किया शुभारंभ, 80 से बढ़कर 250 हुए स्टॉल
- योगी बोले, पाठ्यक्रम से ही नहीं समझ सकते समाज, देश और दुनिया को
- प्रदेश की 57,600 ग्राम पंचायतों के पुस्तकालयों तक पहुंचीं एनबीटी की पुस्तकें

लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूर्ववर्ती सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकारें ही जर्जर थीं तो सिस्टम भी जर्जर हो गया था। सरकारी विद्यालयों के भवन जर्जर थे, सुविधाओं का अभाव था और उत्तर प्रदेश पर बीमारू राज्य का ठप्पा लग गया था। प्रदेश के नौजवान के सामने पहचान का संकट था। बाहर जाने पर वह अपनी पहचान बताने से भी संकोच करता था। पिछले दस वर्षों में शुरू हुए सकारात्मक प्रयासों के परिणाम अब सामने हैं और उत्तर प्रदेश की तस्वीर बदली है।
शनिवार को गोमती पुस्तक महोत्सव-2026 के पांचवें संस्करण का शुभारंभ करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश के पास ज्ञान और चिंतन की अत्यंत समृद्ध परंपरा रही है। इसके बावजूद जब हमने ज्ञान को सीमित और संकुचित दायरे में कैद किया और अपनी विरासत से दूरी बनाई तो उसका दुष्परिणाम पूरे प्रदेश को भुगतना पड़ा। यूपी बीमारू राज्यों की श्रेणी में खड़ा हो गया। उन्होंने कहा कि कोई व्यक्ति, समाज या राष्ट्र अपनी विरासत से संबंध तोड़कर आगे नहीं बढ़ सकता।
बेसिक शिक्षा की पूर्व की स्थिति का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि परिषदीय विद्यालयों में सुविधाओं की कल्पना करना कठिन था। भवन जर्जर थे और व्यवस्थाएं भी उसी स्थिति में थीं। सरकार ने ऑपरेशन कायाकल्प शुरू किया तो विद्यालयों के भवन बदले। स्मार्ट क्लास और डिजिटल लाइब्रेरी की सुविधा उपलब्ध कराई गई। मुख्यमंत्री ने चित्रकूट का अपना अनुभव साझा करते हुए बताया कि वहां तीसरी कक्षा की एक बच्ची को डिजिटल लाइब्रेरी सहजता से संचालित करते देखकर उन्हें अहसास हुआ कि बच्चों में क्षमता की कमी नहीं थी, उन्हें अवसर और संसाधन नहीं मिले थे।
मुख्यमंत्री योगी ने इसी संदर्भ में युवाओं के पुस्तकों से दूर होने की धारणा को भी खारिज किया। कहा कि यह कहना युवा के साथ अन्याय होगा कि वह पुस्तक नहीं पढ़ना चाहता और अपना अधिकतर समय सोशल या डिजिटल मीडिया पर ही बिताता है। वास्तविकता यह है कि हमने उस तक पुस्तक पहुंचाने का पर्याप्त प्रयास नहीं किया। जब युवाओं को पुस्तकें और उचित मंच उपलब्ध कराया गया तो पुस्तक महोत्सवों में उनकी भागीदारी ने सारी धारणाएं बदल दीं।
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि लखनऊ में पुस्तक महोत्सव की शुरुआत के समय उन्हें भी इसके परिणाम को लेकर थोड़ा संकोच था, लेकिन पहले ही आयोजन में अपेक्षा से कई गुना अधिक छात्र और युवा पहुंचे। आज इसका पांचवां संस्करण आयोजित हो रहा है और स्टॉल की संख्या 80 से बढ़कर 250 हो चुकी है। अगले नौ दिनों तक हजारों विद्यार्थियों और युवाओं को ज्ञानवर्धक, मनोरंजक और रोचक पुस्तकों को जानने का अवसर मिलेगा। यहां पुस्तक विमोचन के साथ लेखक और पाठक आमने-सामने होंगे। युवाओं को लेखकों की अभिव्यक्ति, उनके संघर्ष और जीवन यात्रा को समझने का अवसर भी मिलेगा।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के प्रति आभार जताते हुए मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि उनकी प्रेरणा से शिक्षा मंत्रालय देश के अलग-अलग हिस्सों में पुस्तक महोत्सवों के माध्यम से भारत की प्राचीन ज्ञान परंपरा को आधुनिक ज्ञान से जोड़ने का काम कर रहा है। उन्होंने प्रधानमंत्री की पुस्तक ‘एग्जाम वारियर्स’ का उल्लेख करते हुए कहा कि इसे हर बच्चे और युवा को पढ़ना और आत्मसात करना चाहिए। यह केवल स्कूली परीक्षाओं के लिए नहीं है। जीवन में हर व्यक्ति को अलग-अलग परिस्थितियों में परीक्षा के दौर से गुजरना पड़ता है। जब हिम्मत जवाब देने लगती है, तब ऐसी पुस्तकें संबल और मार्गदर्शन देती हैं।
ऋग्वेद के मंत्र ‘आ नो भद्राः क्रतवो यन्तु विश्वतः’ का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय ऋषि परंपरा ज्ञान को चारों ओर से आने देने की प्रेरणा देती है। केवल स्कूल, कॉलेज या विश्वविद्यालय जाकर पाठ्यक्रम पढ़ लेने से ही व्यक्ति ज्ञानवान नहीं हो सकता। पाठ्यक्रम किसी विषय में पारंगत कर सकता है, लेकिन समाज, देश और दुनिया को समझने के लिए अलग-अलग विषयों और विचारों को पढ़ना जरूरी है।
मुख्यमंत्री योगी ने उत्तर प्रदेश की प्राचीन ज्ञान परंपरा का उल्लेख करते हुए कहा कि लखनऊ साहित्य का पुराना केंद्र रहा है। यहां से करीब 70 किलोमीटर दूर नैमिषारण्य में 88 हजार ऋषियों ने पुराणों के माध्यम से भारतीय ज्ञान परंपरा को आगे बढ़ाया। काशी के विश्वविद्यालय जगविख्यात रहे हैं। प्रयागराज का कुंभ केवल आयोजन या महोत्सव नहीं रहा, बल्कि देशभर के ऋषि-मुनियों के ज्ञान, चिंतन, संवाद और नवाचार की स्थली रहा है। मुजफ्फरनगर के शुकतीर्थ में करीब पांच हजार वर्ष पहले श्रीमद्भागवत महापुराण की पहली कथा के वाचन की परंपरा भी इसी प्रदेश से जुड़ी है।
मुख्यमंत्री योगी ने गांवों तक पुस्तक और डिजिटल ज्ञान पहुंचाने के प्रयासों का भी उल्लेख किया। कहा कि मुख्यमंत्री के लिए सचिवालय और जिलाधिकारी के लिए कलेक्ट्रेट था, लेकिन गांव की सबसे छोटी प्रशासनिक इकाई के पास बैठने की अपनी जगह तक नहीं थी। सरकार ने ग्राम सचिवालय बनाए और तय किया कि इनमें बैठक कक्ष के साथ पुस्तकालय भी होगा। प्रदेश की 57,600 ग्राम पंचायतों में बने पुस्तकालयों में नेशनल बुक ट्रस्ट की पुस्तकें उपलब्ध कराई गई हैं और डिजिटल लाइब्रेरी की सुविधा भी दी गई है। आज गांव के छात्र और युवा इनका उपयोग कर रहे हैं। यह साबित करता है कि अवसर और संसाधन मिलने पर गांव का युवा भी किसी से पीछे नहीं है।
- मुख्यमंत्री योगी ने छात्राओं को भेंट की ‘एग्जाम वॉरियर्स’, पुस्तक स्टॉलों का किया अवलोकन
इससे पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने फीता काटकर गोमती पुस्तक महोत्सव का शुभारंभ किया। महोत्सव परिसर में पहुंचते ही उन्होंने वहां लगी विभिन्न प्रदर्शनियों का अवलोकन किया और पुस्तक स्टॉलों पर जाकर पुस्तकों को देखा। इस दौरान मुख्यमंत्री ने प्रकाशकों और आयोजकों से भी जानकारी ली। उन्होंने छह छात्राओं को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की पुस्तक ‘एग्जाम वॉरियर्स’ अपने हाथों से भेंट की, जबकि अन्य छात्राओं को भी पुस्तकें वितरित की गईं। पुस्तकें पाने वाले बच्चों के चेहरे खिल उठे। मुख्यमंत्री ने छात्राओं के साथ तस्वीर भी खिंचवाई।
इस अवसर पर नेशनल बुक ट्रस्ट के चेयरमैन प्रो. मिलिंद मराठे ने मुख्यमंत्री का शॉल ओढ़ाकर और पुस्तक भेंट कर स्वागत किया। उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय, माध्यमिक शिक्षा मंत्री गुलाब देवी, मुख्य सलाहकार अवनीश अवस्थी, पार्थ सारथी सेन शर्मा और बेसिक शिक्षा राज्यमंत्री संदीप सिंह का भी पुस्तक भेंट कर स्वागत किया गया। कार्यक्रम में गोमती पुस्तक महोत्सव के पिछले संस्करणों की यात्रा और यादगार पलों पर आधारित वीडियो भी प्रदर्शित किया गया, जिसे मुख्यमंत्री समेत उपस्थित अतिथियों ने देखा।
समारोह में उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय, माध्यमिक शिक्षा मंत्री गुलाब देवी, बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह, लखनऊ विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. जेपी सैनी, नेशनल बुक ट्रस्ट के चेयरमैन प्रो. मिलिंद सुधाकर मराठे, निदेशक युवराज मलिक सहित लेखक, प्रकाशक और बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।